inputs
stringlengths
800
163k
targets
stringlengths
20
291
template_id
int64
0
34
template_lang
stringclasses
1 value
इस पाठ का सारांश बनाएं: कंपनी विधेयक, 2009 के संसद के चालू सत्र में पारित होने की संभावना नहीं है। कंपनी मामलों के मंत्रालय का कहना है कि संसद की अवधि घटा दी गई है, इसलिए इस विधेयक के चालू सत्र में पारित होने की संभावना नहीं है। कंपनी विधेयक, 2009 करीब 50 साल पहले के पुराने कानून की जगह लेगा। कंपनी मामलों के राज्यमंत्री आरपीएन सिंह ने एसोचैम के एक कार्यक्रम के मौके पर कहा, हम कंपनी विधेयक पर काम कर रहे हैं पर हम इसे चालू सत्र में पारित नहीं करा पाएंगे क्योंकि संसद की अवधि घटा दी गई है। हालांकि, मंत्री ने भरोसा जताया कि यह विधेयक संसद के अगले सत्र में पारित हो जाएगा। सिंह ने कहा, हम निश्चित रूप में इसे अगले सत्र में पारित करवा पाएंगे। सत्यम कंप्यूटर का 14,000 करोड़ रुपये का घोटाला सामने आने के बाद यह विधेयक लाया गया है। इसमें शेयरधारकों को ज्यादा अधिकार तथा कारपोरेट प्रशासन नियमों को सख्त करने का प्रावधान है। इस विधेयक में देश में पहली बार क्लास एक्शन सुइट की अवधारणा को शुरू करने का प्रावधान है। इसमें निवेशकों के पास शोषण और कुप्रबंधन के लिए कंपनी के खिलाफ मामला चलाने का मुआवजा पाने का हक होगा।
संक्षिप्त सारांश: कंपनी मामलों के मंत्रालय का कहना है कि संसद की अवधि घटा दी गई है, इसलिए इस विधेयक के चालू सत्र में पारित होने की संभावना नहीं है।
29
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: सऊदी अरब ने भारत सरकार को बताया है कि संदिग्ध आतंकवादी फसीह मोहम्मद को हिरासत में लिया गया है। उसे जल्द भारत प्रत्यर्पित किया जा सकता है। पेशे से इंजीनियर 28 वर्षीय फसीह पर बेंगलुरु में चिन्नास्वामी स्टेडियम में विस्फोट और दिल्ली में जामा मस्जिद के नजदीक 2010 में हुई गोलीबारी में शामिल होने का आरोप है और वह दिल्ली पुलिस तथा कर्नाटक पुलिस द्वारा वांछित है। कर्नाटक और दिल्ली पुलिस के आग्रह पर सीबीआई ने इंटरपोल से फसीह के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी करने को कहा था। इसके बाद सऊदी अधिकारियों ने सूचना दी कि उन्होंने उसे पकड़ लिया है। अधिकारियों ने बताया कि सीबीआई उसे वापस लाने के लिए सऊदी अधिकारियों से बात कर रही है और प्रत्यर्पण की प्रक्रिया तेज करने के लिए एक टीम भेजी जा सकती है।टिप्पणियां फसीह कथित तौर पर लापता हो गया था और उसकी पत्नी निकहत परवीन ने उच्चतम न्यायालय का रुख कर कहा था कि वह केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों की हिरासत में है। परवीन ने यह आरोप लगाते हुए शीर्ष अदालत से संपर्क किया था कि उसके पति को भारतीय और सऊदी अधिकारियों की संयुक्त टीम ने उसके कथित आतंकी संबंधों के चलते 13 मई को पकड़ लिया था। पेशे से इंजीनियर 28 वर्षीय फसीह पर बेंगलुरु में चिन्नास्वामी स्टेडियम में विस्फोट और दिल्ली में जामा मस्जिद के नजदीक 2010 में हुई गोलीबारी में शामिल होने का आरोप है और वह दिल्ली पुलिस तथा कर्नाटक पुलिस द्वारा वांछित है। कर्नाटक और दिल्ली पुलिस के आग्रह पर सीबीआई ने इंटरपोल से फसीह के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी करने को कहा था। इसके बाद सऊदी अधिकारियों ने सूचना दी कि उन्होंने उसे पकड़ लिया है। अधिकारियों ने बताया कि सीबीआई उसे वापस लाने के लिए सऊदी अधिकारियों से बात कर रही है और प्रत्यर्पण की प्रक्रिया तेज करने के लिए एक टीम भेजी जा सकती है।टिप्पणियां फसीह कथित तौर पर लापता हो गया था और उसकी पत्नी निकहत परवीन ने उच्चतम न्यायालय का रुख कर कहा था कि वह केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों की हिरासत में है। परवीन ने यह आरोप लगाते हुए शीर्ष अदालत से संपर्क किया था कि उसके पति को भारतीय और सऊदी अधिकारियों की संयुक्त टीम ने उसके कथित आतंकी संबंधों के चलते 13 मई को पकड़ लिया था। कर्नाटक और दिल्ली पुलिस के आग्रह पर सीबीआई ने इंटरपोल से फसीह के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी करने को कहा था। इसके बाद सऊदी अधिकारियों ने सूचना दी कि उन्होंने उसे पकड़ लिया है। अधिकारियों ने बताया कि सीबीआई उसे वापस लाने के लिए सऊदी अधिकारियों से बात कर रही है और प्रत्यर्पण की प्रक्रिया तेज करने के लिए एक टीम भेजी जा सकती है।टिप्पणियां फसीह कथित तौर पर लापता हो गया था और उसकी पत्नी निकहत परवीन ने उच्चतम न्यायालय का रुख कर कहा था कि वह केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों की हिरासत में है। परवीन ने यह आरोप लगाते हुए शीर्ष अदालत से संपर्क किया था कि उसके पति को भारतीय और सऊदी अधिकारियों की संयुक्त टीम ने उसके कथित आतंकी संबंधों के चलते 13 मई को पकड़ लिया था। अधिकारियों ने बताया कि सीबीआई उसे वापस लाने के लिए सऊदी अधिकारियों से बात कर रही है और प्रत्यर्पण की प्रक्रिया तेज करने के लिए एक टीम भेजी जा सकती है।टिप्पणियां फसीह कथित तौर पर लापता हो गया था और उसकी पत्नी निकहत परवीन ने उच्चतम न्यायालय का रुख कर कहा था कि वह केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों की हिरासत में है। परवीन ने यह आरोप लगाते हुए शीर्ष अदालत से संपर्क किया था कि उसके पति को भारतीय और सऊदी अधिकारियों की संयुक्त टीम ने उसके कथित आतंकी संबंधों के चलते 13 मई को पकड़ लिया था। फसीह कथित तौर पर लापता हो गया था और उसकी पत्नी निकहत परवीन ने उच्चतम न्यायालय का रुख कर कहा था कि वह केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों की हिरासत में है। परवीन ने यह आरोप लगाते हुए शीर्ष अदालत से संपर्क किया था कि उसके पति को भारतीय और सऊदी अधिकारियों की संयुक्त टीम ने उसके कथित आतंकी संबंधों के चलते 13 मई को पकड़ लिया था। परवीन ने यह आरोप लगाते हुए शीर्ष अदालत से संपर्क किया था कि उसके पति को भारतीय और सऊदी अधिकारियों की संयुक्त टीम ने उसके कथित आतंकी संबंधों के चलते 13 मई को पकड़ लिया था।
यहाँ एक सारांश है:पेशे से इंजीनियर 28 वर्षीय फसीह पर बेंगलुरू में चिन्नास्वामी स्टेडियम में विस्फोट और दिल्ली में जामा मस्जिद के नजदीक 2010 में हुई गोलीबारी में शामिल होने का आरोप है।
18
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: उत्तर प्रदेश में गंगा, यमुना, घाघरा, शारदा, केन और बेतवा नदियों के लगातार बढ़ते जलस्तर से हालात भयावह होते जा रहे हैं। राज्य में बाढ़ से करीब 50 लाख की आबादी प्रभावित है। सरकार का दावा है कि प्रभावित इलाकों में राहतकार्य युद्धस्तर पर जारी है। प्रदेश में गंगा एवं यमुना नदी विभिन्न शहरों में खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। इलाहाबाद में गंगा का जलस्तर 1.646 मीटर, मिर्जापुर में 1.086 मीटर, वाराणसी में 1.368 मीटर, गाजीपुर में 1.885 मीटर और बलिया में 2.505 मीटर के ऊपर है। वहीं यमुना नदी का जलस्तर जालौन में 0.740 मीटर, हमीरपुर में 0.478 मीटर, बांदा में 0.660 मीटर, इलाहाबाद में 1.466 मीटर के ऊपर है। तराई क्षेत्र में बहने वाली शारदा, घाघरा, बूढ़ी राप्ती का जलस्तर भी खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है। शारदा का जलस्तर लखीमपुर खीरी में 0.620 मीटर, घाघरा नदी का बाराबंकी में 0.116 मीटर और बूढ़ी राप्ती नदी का जलस्तर सिद्घार्थनगर में 0.605 मीटर के निशान से ऊपर है। आपदा नियंत्रण कक्ष के अनुसार, गंगा नदी का जलस्तर कानपुर, रायबरेली, इलाहाबाद व मिर्जापुर में घट रहा है और गाजीपुर व बलिया में बढ़ रहा है। यमुना नदी का जलस्तर इटावा, औरैया, जालौन, हमीरपुर, बांदा और इलाहाबाद में घट रहा है। बेतवा नदी का जलस्तर जालौन में बढ़ रहा है। घाघरा नदी का जलस्तर बाराबंकी, फैजाबाद व बलिया में बढ़ रहा है। राप्ती नदी का जलस्तर बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर तथा गोरखपुर में बढ़ रहा है। टिप्पणियां बाढ़ से वैसे तो राज्य के करीब 40 जिले प्रभावित हैं, लेकिन इस समय सबसे ज्यादा कहर मिर्जापुर, बलिया, गाजीपुर और इलाहाबाद में देखने को मिल रहा है। इन जिलों में करीब दस लाख लोग बाढ़ से बेघर हो गए हैं। लाखों हेक्टेयर फसलें बाढ़ के पानी में डूब गई हैं। प्रभावित लोगों को राहत शिविरों में पहुंचाकर उन्हें भोजन और चिकित्सा जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं। मिर्जापुर के अतिरिक्त जिलाधिकारी कृष्ण लाल तिवारी ने गुरुवार को संवाददाताओं से कहा कि बाढ़ से प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकालकर राहत शिविरों में ले जाया जा रहा है। राज्य में इस साल बाढ़ और बारिश से अब तक 246 लोगों की मौत हो चुकी है। 310 मवेशी भी इसका शिकार हुए हैं। प्रदेश में गंगा एवं यमुना नदी विभिन्न शहरों में खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। इलाहाबाद में गंगा का जलस्तर 1.646 मीटर, मिर्जापुर में 1.086 मीटर, वाराणसी में 1.368 मीटर, गाजीपुर में 1.885 मीटर और बलिया में 2.505 मीटर के ऊपर है। वहीं यमुना नदी का जलस्तर जालौन में 0.740 मीटर, हमीरपुर में 0.478 मीटर, बांदा में 0.660 मीटर, इलाहाबाद में 1.466 मीटर के ऊपर है। तराई क्षेत्र में बहने वाली शारदा, घाघरा, बूढ़ी राप्ती का जलस्तर भी खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है। शारदा का जलस्तर लखीमपुर खीरी में 0.620 मीटर, घाघरा नदी का बाराबंकी में 0.116 मीटर और बूढ़ी राप्ती नदी का जलस्तर सिद्घार्थनगर में 0.605 मीटर के निशान से ऊपर है। आपदा नियंत्रण कक्ष के अनुसार, गंगा नदी का जलस्तर कानपुर, रायबरेली, इलाहाबाद व मिर्जापुर में घट रहा है और गाजीपुर व बलिया में बढ़ रहा है। यमुना नदी का जलस्तर इटावा, औरैया, जालौन, हमीरपुर, बांदा और इलाहाबाद में घट रहा है। बेतवा नदी का जलस्तर जालौन में बढ़ रहा है। घाघरा नदी का जलस्तर बाराबंकी, फैजाबाद व बलिया में बढ़ रहा है। राप्ती नदी का जलस्तर बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर तथा गोरखपुर में बढ़ रहा है। टिप्पणियां बाढ़ से वैसे तो राज्य के करीब 40 जिले प्रभावित हैं, लेकिन इस समय सबसे ज्यादा कहर मिर्जापुर, बलिया, गाजीपुर और इलाहाबाद में देखने को मिल रहा है। इन जिलों में करीब दस लाख लोग बाढ़ से बेघर हो गए हैं। लाखों हेक्टेयर फसलें बाढ़ के पानी में डूब गई हैं। प्रभावित लोगों को राहत शिविरों में पहुंचाकर उन्हें भोजन और चिकित्सा जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं। मिर्जापुर के अतिरिक्त जिलाधिकारी कृष्ण लाल तिवारी ने गुरुवार को संवाददाताओं से कहा कि बाढ़ से प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकालकर राहत शिविरों में ले जाया जा रहा है। राज्य में इस साल बाढ़ और बारिश से अब तक 246 लोगों की मौत हो चुकी है। 310 मवेशी भी इसका शिकार हुए हैं। वहीं यमुना नदी का जलस्तर जालौन में 0.740 मीटर, हमीरपुर में 0.478 मीटर, बांदा में 0.660 मीटर, इलाहाबाद में 1.466 मीटर के ऊपर है। तराई क्षेत्र में बहने वाली शारदा, घाघरा, बूढ़ी राप्ती का जलस्तर भी खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है। शारदा का जलस्तर लखीमपुर खीरी में 0.620 मीटर, घाघरा नदी का बाराबंकी में 0.116 मीटर और बूढ़ी राप्ती नदी का जलस्तर सिद्घार्थनगर में 0.605 मीटर के निशान से ऊपर है। आपदा नियंत्रण कक्ष के अनुसार, गंगा नदी का जलस्तर कानपुर, रायबरेली, इलाहाबाद व मिर्जापुर में घट रहा है और गाजीपुर व बलिया में बढ़ रहा है। यमुना नदी का जलस्तर इटावा, औरैया, जालौन, हमीरपुर, बांदा और इलाहाबाद में घट रहा है। बेतवा नदी का जलस्तर जालौन में बढ़ रहा है। घाघरा नदी का जलस्तर बाराबंकी, फैजाबाद व बलिया में बढ़ रहा है। राप्ती नदी का जलस्तर बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर तथा गोरखपुर में बढ़ रहा है। टिप्पणियां बाढ़ से वैसे तो राज्य के करीब 40 जिले प्रभावित हैं, लेकिन इस समय सबसे ज्यादा कहर मिर्जापुर, बलिया, गाजीपुर और इलाहाबाद में देखने को मिल रहा है। इन जिलों में करीब दस लाख लोग बाढ़ से बेघर हो गए हैं। लाखों हेक्टेयर फसलें बाढ़ के पानी में डूब गई हैं। प्रभावित लोगों को राहत शिविरों में पहुंचाकर उन्हें भोजन और चिकित्सा जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं। मिर्जापुर के अतिरिक्त जिलाधिकारी कृष्ण लाल तिवारी ने गुरुवार को संवाददाताओं से कहा कि बाढ़ से प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकालकर राहत शिविरों में ले जाया जा रहा है। राज्य में इस साल बाढ़ और बारिश से अब तक 246 लोगों की मौत हो चुकी है। 310 मवेशी भी इसका शिकार हुए हैं। तराई क्षेत्र में बहने वाली शारदा, घाघरा, बूढ़ी राप्ती का जलस्तर भी खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है। शारदा का जलस्तर लखीमपुर खीरी में 0.620 मीटर, घाघरा नदी का बाराबंकी में 0.116 मीटर और बूढ़ी राप्ती नदी का जलस्तर सिद्घार्थनगर में 0.605 मीटर के निशान से ऊपर है। आपदा नियंत्रण कक्ष के अनुसार, गंगा नदी का जलस्तर कानपुर, रायबरेली, इलाहाबाद व मिर्जापुर में घट रहा है और गाजीपुर व बलिया में बढ़ रहा है। यमुना नदी का जलस्तर इटावा, औरैया, जालौन, हमीरपुर, बांदा और इलाहाबाद में घट रहा है। बेतवा नदी का जलस्तर जालौन में बढ़ रहा है। घाघरा नदी का जलस्तर बाराबंकी, फैजाबाद व बलिया में बढ़ रहा है। राप्ती नदी का जलस्तर बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर तथा गोरखपुर में बढ़ रहा है। टिप्पणियां बाढ़ से वैसे तो राज्य के करीब 40 जिले प्रभावित हैं, लेकिन इस समय सबसे ज्यादा कहर मिर्जापुर, बलिया, गाजीपुर और इलाहाबाद में देखने को मिल रहा है। इन जिलों में करीब दस लाख लोग बाढ़ से बेघर हो गए हैं। लाखों हेक्टेयर फसलें बाढ़ के पानी में डूब गई हैं। प्रभावित लोगों को राहत शिविरों में पहुंचाकर उन्हें भोजन और चिकित्सा जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं। मिर्जापुर के अतिरिक्त जिलाधिकारी कृष्ण लाल तिवारी ने गुरुवार को संवाददाताओं से कहा कि बाढ़ से प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकालकर राहत शिविरों में ले जाया जा रहा है। राज्य में इस साल बाढ़ और बारिश से अब तक 246 लोगों की मौत हो चुकी है। 310 मवेशी भी इसका शिकार हुए हैं। आपदा नियंत्रण कक्ष के अनुसार, गंगा नदी का जलस्तर कानपुर, रायबरेली, इलाहाबाद व मिर्जापुर में घट रहा है और गाजीपुर व बलिया में बढ़ रहा है। यमुना नदी का जलस्तर इटावा, औरैया, जालौन, हमीरपुर, बांदा और इलाहाबाद में घट रहा है। बेतवा नदी का जलस्तर जालौन में बढ़ रहा है। घाघरा नदी का जलस्तर बाराबंकी, फैजाबाद व बलिया में बढ़ रहा है। राप्ती नदी का जलस्तर बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर तथा गोरखपुर में बढ़ रहा है। टिप्पणियां बाढ़ से वैसे तो राज्य के करीब 40 जिले प्रभावित हैं, लेकिन इस समय सबसे ज्यादा कहर मिर्जापुर, बलिया, गाजीपुर और इलाहाबाद में देखने को मिल रहा है। इन जिलों में करीब दस लाख लोग बाढ़ से बेघर हो गए हैं। लाखों हेक्टेयर फसलें बाढ़ के पानी में डूब गई हैं। प्रभावित लोगों को राहत शिविरों में पहुंचाकर उन्हें भोजन और चिकित्सा जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं। मिर्जापुर के अतिरिक्त जिलाधिकारी कृष्ण लाल तिवारी ने गुरुवार को संवाददाताओं से कहा कि बाढ़ से प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकालकर राहत शिविरों में ले जाया जा रहा है। राज्य में इस साल बाढ़ और बारिश से अब तक 246 लोगों की मौत हो चुकी है। 310 मवेशी भी इसका शिकार हुए हैं। बाढ़ से वैसे तो राज्य के करीब 40 जिले प्रभावित हैं, लेकिन इस समय सबसे ज्यादा कहर मिर्जापुर, बलिया, गाजीपुर और इलाहाबाद में देखने को मिल रहा है। इन जिलों में करीब दस लाख लोग बाढ़ से बेघर हो गए हैं। लाखों हेक्टेयर फसलें बाढ़ के पानी में डूब गई हैं। प्रभावित लोगों को राहत शिविरों में पहुंचाकर उन्हें भोजन और चिकित्सा जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं। मिर्जापुर के अतिरिक्त जिलाधिकारी कृष्ण लाल तिवारी ने गुरुवार को संवाददाताओं से कहा कि बाढ़ से प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकालकर राहत शिविरों में ले जाया जा रहा है। राज्य में इस साल बाढ़ और बारिश से अब तक 246 लोगों की मौत हो चुकी है। 310 मवेशी भी इसका शिकार हुए हैं। प्रभावित लोगों को राहत शिविरों में पहुंचाकर उन्हें भोजन और चिकित्सा जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं। मिर्जापुर के अतिरिक्त जिलाधिकारी कृष्ण लाल तिवारी ने गुरुवार को संवाददाताओं से कहा कि बाढ़ से प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकालकर राहत शिविरों में ले जाया जा रहा है। राज्य में इस साल बाढ़ और बारिश से अब तक 246 लोगों की मौत हो चुकी है। 310 मवेशी भी इसका शिकार हुए हैं।
संक्षिप्त पाठ: उत्तर प्रदेश में गंगा, यमुना, घाघरा, शारदा, केन और बेतवा नदियों के लगातार बढ़ते जलस्तर से हालात भयावह होते जा रहे हैं। राज्य में बाढ़ से करीब 50 लाख की आबादी प्रभावित है।
14
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: व्हाइट हाउस में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के मुख्य रणनीतिकार स्टीफन के बैनन ने कहा कि मीडिया को 'अपना मुंह बंद' रखना चाहिए. न्यूयॉर्क टाइम्स की बुधवार शाम की एक रिपोर्ट के मुताबिक, बैनन ने बुधवार शाम एक साक्षात्कार में अमेरिकी मीडिया पर निशाना साधते हुए तर्क दिया कि मीडिया चुनाव के उस नतीजे से खार खाई हुई है, जो लगभग प्रत्याशित थी. उन्होंने मीडिया को वर्तमान सरकार की 'विपक्षी पार्टी' करार दिया. बैनन ने टेलीफोन पर कहा, "मीडिया को शर्मिंदा होना चाहिए और अपना मुंह बंद रखना चाहिए. कुछ समय के लिए उसे बस सुनना चाहिए." उन्होंने कहा, "मैं चाहता हूं कि आप इसे उद्धृत करें. मीडिया यहां विपक्षी पार्टी बन गई है. वे इस देश को नहीं समझते. वे अभी तक नहीं समझ पा रहे कि डोनाल्ड ट्रंप राष्ट्रपति क्यों बने?" बैनन की यह टिप्पणी ऐसे वक्त में आई है, जब मीडिया व ट्रंप सरकार के बीच तनाव चरम पर है. मीडिया ने कहा था कि ट्रंप के शपथ ग्रहण समारोह में लोगों की कम उपस्थिति थी, जबकि ट्रंप ने मीडिया के दावे को गलत करार दिया था. ब्रेटबार्ट न्यूज से इतर पत्रकारों को शायद ही कभी साक्षात्कार देने वाले बैनन इस सप्ताह ट्रंप द्वारा की गई टिप्पणियों को दोहरा रहे थे, जिसमें राष्ट्रपति ने कहा था कि उनके और मीडिया के बीच 'तीखी जुबानी जंग' चल रही है और उन्होंने पत्रकारों को 'धरती पर दुनिया का सबसे बड़ा बेईमान व्यक्ति' बताया.टिप्पणियां बेट्रबार्ट न्यूज एक दक्षिणपंथी वेबसाइट है, जिसका संचालन पिछले साल अगस्त तक बैनन कर रहे थे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) बैनन ने टेलीफोन पर कहा, "मीडिया को शर्मिंदा होना चाहिए और अपना मुंह बंद रखना चाहिए. कुछ समय के लिए उसे बस सुनना चाहिए." उन्होंने कहा, "मैं चाहता हूं कि आप इसे उद्धृत करें. मीडिया यहां विपक्षी पार्टी बन गई है. वे इस देश को नहीं समझते. वे अभी तक नहीं समझ पा रहे कि डोनाल्ड ट्रंप राष्ट्रपति क्यों बने?" बैनन की यह टिप्पणी ऐसे वक्त में आई है, जब मीडिया व ट्रंप सरकार के बीच तनाव चरम पर है. मीडिया ने कहा था कि ट्रंप के शपथ ग्रहण समारोह में लोगों की कम उपस्थिति थी, जबकि ट्रंप ने मीडिया के दावे को गलत करार दिया था. ब्रेटबार्ट न्यूज से इतर पत्रकारों को शायद ही कभी साक्षात्कार देने वाले बैनन इस सप्ताह ट्रंप द्वारा की गई टिप्पणियों को दोहरा रहे थे, जिसमें राष्ट्रपति ने कहा था कि उनके और मीडिया के बीच 'तीखी जुबानी जंग' चल रही है और उन्होंने पत्रकारों को 'धरती पर दुनिया का सबसे बड़ा बेईमान व्यक्ति' बताया.टिप्पणियां बेट्रबार्ट न्यूज एक दक्षिणपंथी वेबसाइट है, जिसका संचालन पिछले साल अगस्त तक बैनन कर रहे थे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) उन्होंने कहा, "मैं चाहता हूं कि आप इसे उद्धृत करें. मीडिया यहां विपक्षी पार्टी बन गई है. वे इस देश को नहीं समझते. वे अभी तक नहीं समझ पा रहे कि डोनाल्ड ट्रंप राष्ट्रपति क्यों बने?" बैनन की यह टिप्पणी ऐसे वक्त में आई है, जब मीडिया व ट्रंप सरकार के बीच तनाव चरम पर है. मीडिया ने कहा था कि ट्रंप के शपथ ग्रहण समारोह में लोगों की कम उपस्थिति थी, जबकि ट्रंप ने मीडिया के दावे को गलत करार दिया था. ब्रेटबार्ट न्यूज से इतर पत्रकारों को शायद ही कभी साक्षात्कार देने वाले बैनन इस सप्ताह ट्रंप द्वारा की गई टिप्पणियों को दोहरा रहे थे, जिसमें राष्ट्रपति ने कहा था कि उनके और मीडिया के बीच 'तीखी जुबानी जंग' चल रही है और उन्होंने पत्रकारों को 'धरती पर दुनिया का सबसे बड़ा बेईमान व्यक्ति' बताया.टिप्पणियां बेट्रबार्ट न्यूज एक दक्षिणपंथी वेबसाइट है, जिसका संचालन पिछले साल अगस्त तक बैनन कर रहे थे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) बैनन की यह टिप्पणी ऐसे वक्त में आई है, जब मीडिया व ट्रंप सरकार के बीच तनाव चरम पर है. मीडिया ने कहा था कि ट्रंप के शपथ ग्रहण समारोह में लोगों की कम उपस्थिति थी, जबकि ट्रंप ने मीडिया के दावे को गलत करार दिया था. ब्रेटबार्ट न्यूज से इतर पत्रकारों को शायद ही कभी साक्षात्कार देने वाले बैनन इस सप्ताह ट्रंप द्वारा की गई टिप्पणियों को दोहरा रहे थे, जिसमें राष्ट्रपति ने कहा था कि उनके और मीडिया के बीच 'तीखी जुबानी जंग' चल रही है और उन्होंने पत्रकारों को 'धरती पर दुनिया का सबसे बड़ा बेईमान व्यक्ति' बताया.टिप्पणियां बेट्रबार्ट न्यूज एक दक्षिणपंथी वेबसाइट है, जिसका संचालन पिछले साल अगस्त तक बैनन कर रहे थे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) ब्रेटबार्ट न्यूज से इतर पत्रकारों को शायद ही कभी साक्षात्कार देने वाले बैनन इस सप्ताह ट्रंप द्वारा की गई टिप्पणियों को दोहरा रहे थे, जिसमें राष्ट्रपति ने कहा था कि उनके और मीडिया के बीच 'तीखी जुबानी जंग' चल रही है और उन्होंने पत्रकारों को 'धरती पर दुनिया का सबसे बड़ा बेईमान व्यक्ति' बताया.टिप्पणियां बेट्रबार्ट न्यूज एक दक्षिणपंथी वेबसाइट है, जिसका संचालन पिछले साल अगस्त तक बैनन कर रहे थे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) बेट्रबार्ट न्यूज एक दक्षिणपंथी वेबसाइट है, जिसका संचालन पिछले साल अगस्त तक बैनन कर रहे थे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
यहाँ एक सारांश है:मीडिया चुनाव के उस नतीजे से खार खाई हुई है, जो लगभग प्रत्याशित थी- बैनन उन्होंने मीडिया को वर्तमान सरकार की 'विपक्षी पार्टी' करार दिया. बैनन ने कहा, "मीडिया को शर्मिंदा होना चाहिए".
4
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: पूर्व वित्त मंत्री और कांग्रेस नेता पी. चिंदबरम ने शनिवार को मोदी सरकार पर आरोप लगाया कि उसके कार्यकाल में भारतीय रिजर्व बैंक के दो-दो गवर्नरों को ‘अपमानित' किया गया और उन्हें पद छोड़ने के लिए मजबूर किया गया. चिदंबरम ने मुंबई के उपनगर बांद्रा में ‘भारतीय अर्थव्यवस्था : अवसर और चुनौतियां' विषय पर संगोष्ठी को संबोधित करते हुए कहा,‘‘कभी भी आरबीआई के दो लगातार गवर्नरों को अपमानित करके उन्हें पद छोड़ने के लिए मजबूर नहीं किया गया.'' इस कार्यक्रम का आयोजन अखिल भारतीय प्रोफेशनल कांग्रेस ने किया था.      उन्होंने इस संदर्भ में रघुराम राजन या उर्जित पटेल का नाम नहीं लिया लेकिन जाहिरा तौर पर उनका इशारा उन्हीं की तरफ था. समझा जाता है कि मोदी सरकार ने राजन को दूसरा कार्यकाल देने से मना कर दिया था. राजन सितंबर 2016 में अपना तीन वर्ष का कार्यकाल खत्म कर चले गए थे. उनके स्थान पर पटेल ने आरबीआई के गवर्नर का पद संभाला था. पिछले साल 10 दिसंबर में पटेल ने भी अपना कार्यकाल पूरा होने से पहले इस पद से इस्तीफा दे दिया था. चिदंबरम ने कृषि नीतियों को लेकर भी भाजपा सरकार को कठघरे में खड़ा किया. ॉ उन्होंने कहा, ‘‘न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) विफल रहा है. कृषि उपज की सरकारी खरीद की कोई व्यवस्था नहीं है. एक राष्ट्र के तौर पर हमें अपने किसानों के लिए कम से कम उतनी आय की व्यवस्था सुनिश्चित करनी चाहिए कि वे कृषि क्षेत्र में बने रहें.'' चिदंबरम ने कहा, ‘‘मेरा मानना है कि देश की आबादी में नीचे के 40 प्रतिशत सर्वसाधारण को एक निश्चित आय दी जानी चाहिए.'' उन्होंने कहा कि मोदी सरकार से ईंधन कीमतों के मुद्दे को भी ठीक से नहीं संभाला गया.     उन्होंने कहा कि मुद्रा ऋण से भी रोजगार के अवसर नहीं बढ़े हैं बल्कि इससे फंसे ऋणों में ही बढ़ोत्तरी हुई है.
यह एक सारांश है: मोदी सरकार पर चिदंबरम का हमला आरबीआई गवर्नर को लेकर किया हमला 'दो-दो RBI गवर्नर को पद छोड़ने के लिए मजबूर किया गया'
24
['hin']
एक सारांश बनाओ: पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ के 600 से अधिक कार्यकर्ताओं को पंजाब प्रांत के विभिन्न हिस्सों में हिरासत में लिए जाने के बीच पार्टी प्रमुख इमरान खान ने अपने कार्यकर्ताओं से गिरफ्तारी से बचने और नवाज शरीफ सरकार से आखिरी जोर आजमाइश के लिए 2 नवंबर को इस्लामाबाद पहुंचने को कहा है. क्रिकेटर से नेता बने इमरान खान ने पार्टी समर्थकों को समूहों में सफर करने और रैली स्थल पर पहुंचने के लिए मुख्य मार्ग की बजाय छिपे रास्तों का इस्तेमाल करने की सलाह दी. इससे पहले, पार्टी ने शनिवार को इस्लामाबाद और देश के अन्य हिस्सों में विभिन्न रैलियों की योजना बनाई, ताकि लोगों को इस्लामाबाद पहुंचने के लिए प्रेरित किया जा सके. पार्टी कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच इस्लामाबाद और रावलपिंडी में झड़पों के एक दिन बाद पंजाब पुलिस ने पेशावर-इस्लामाबाद मोटरवे और अटक ब्रिज को कंटेनर से बंद कर दिया है. इसके पीछे यह मकसद है कि पार्टी कार्यकर्ताओं को 2 नवंबर को राजधानी पहुंचने से रोका जा सके, जब इमरान खान और उनके समर्थकों के देश के बाकी हिस्सों से पहुंचने की योजना है. टिप्पणियां इमरान ने प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को या तो इस्तीफा देने या पनामा पेपर्स खुलासे को लेकर जवाबदेही के लिए उन्हें खुद को पेश करने को कहा है. उन्होंने कहा, 'यह नवाज शरीफ की तानाशाही है, लोकतंत्र नहीं है. हम नवाज शरीफ को 2 नवंबर को दिखा देंगे कि लोकतंत्र क्या है.' पार्टी नेता और पंजाब विधानसभा में विपक्षी नेता मेहमदूर राशिद ने कहा कि पुलिस ने केवल पंजाब में ही 600 से अधिक पार्टी कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) क्रिकेटर से नेता बने इमरान खान ने पार्टी समर्थकों को समूहों में सफर करने और रैली स्थल पर पहुंचने के लिए मुख्य मार्ग की बजाय छिपे रास्तों का इस्तेमाल करने की सलाह दी. इससे पहले, पार्टी ने शनिवार को इस्लामाबाद और देश के अन्य हिस्सों में विभिन्न रैलियों की योजना बनाई, ताकि लोगों को इस्लामाबाद पहुंचने के लिए प्रेरित किया जा सके. पार्टी कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच इस्लामाबाद और रावलपिंडी में झड़पों के एक दिन बाद पंजाब पुलिस ने पेशावर-इस्लामाबाद मोटरवे और अटक ब्रिज को कंटेनर से बंद कर दिया है. इसके पीछे यह मकसद है कि पार्टी कार्यकर्ताओं को 2 नवंबर को राजधानी पहुंचने से रोका जा सके, जब इमरान खान और उनके समर्थकों के देश के बाकी हिस्सों से पहुंचने की योजना है. टिप्पणियां इमरान ने प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को या तो इस्तीफा देने या पनामा पेपर्स खुलासे को लेकर जवाबदेही के लिए उन्हें खुद को पेश करने को कहा है. उन्होंने कहा, 'यह नवाज शरीफ की तानाशाही है, लोकतंत्र नहीं है. हम नवाज शरीफ को 2 नवंबर को दिखा देंगे कि लोकतंत्र क्या है.' पार्टी नेता और पंजाब विधानसभा में विपक्षी नेता मेहमदूर राशिद ने कहा कि पुलिस ने केवल पंजाब में ही 600 से अधिक पार्टी कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) पार्टी कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच इस्लामाबाद और रावलपिंडी में झड़पों के एक दिन बाद पंजाब पुलिस ने पेशावर-इस्लामाबाद मोटरवे और अटक ब्रिज को कंटेनर से बंद कर दिया है. इसके पीछे यह मकसद है कि पार्टी कार्यकर्ताओं को 2 नवंबर को राजधानी पहुंचने से रोका जा सके, जब इमरान खान और उनके समर्थकों के देश के बाकी हिस्सों से पहुंचने की योजना है. टिप्पणियां इमरान ने प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को या तो इस्तीफा देने या पनामा पेपर्स खुलासे को लेकर जवाबदेही के लिए उन्हें खुद को पेश करने को कहा है. उन्होंने कहा, 'यह नवाज शरीफ की तानाशाही है, लोकतंत्र नहीं है. हम नवाज शरीफ को 2 नवंबर को दिखा देंगे कि लोकतंत्र क्या है.' पार्टी नेता और पंजाब विधानसभा में विपक्षी नेता मेहमदूर राशिद ने कहा कि पुलिस ने केवल पंजाब में ही 600 से अधिक पार्टी कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) इमरान ने प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को या तो इस्तीफा देने या पनामा पेपर्स खुलासे को लेकर जवाबदेही के लिए उन्हें खुद को पेश करने को कहा है. उन्होंने कहा, 'यह नवाज शरीफ की तानाशाही है, लोकतंत्र नहीं है. हम नवाज शरीफ को 2 नवंबर को दिखा देंगे कि लोकतंत्र क्या है.' पार्टी नेता और पंजाब विधानसभा में विपक्षी नेता मेहमदूर राशिद ने कहा कि पुलिस ने केवल पंजाब में ही 600 से अधिक पार्टी कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: इमरान ने अपने कार्यकर्ताओं को 2 नवंबर को इस्लामाबाद पहुंचने को कहा है पेशावर-इस्लामाबाद मोटरवे और अटक ब्रिज को बंद किया गया इमरान खान की पार्टी के 600 से अधिक कार्यकर्ता हिरासत में
32
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: क्रिकेट जगत के एक सशक्त हस्ताक्षर मंसूर अली खां पटौदी जिंदगी से अपनी जंग हार गए लेकिन दुख की इस घड़ी में इस पूर्व भारतीय क्रिकेट कप्तान का परिवार शांतचित बना रहा। टाइगर के नाम से मशहूर इस 70 वर्षीय क्रिकेटर का गुरुवार को दिल्ली में निधन हो गया। वह पिछले कुछ समय से फेफड़ों के संक्रमण से पीड़ित थे। वह ऐसी बीमारी से पीड़ित थे जिसमें उनके दोनों फेफड़ों को पर्याप्त मात्रा में आक्सीजन नहीं मिल रही थी। सर गंगाराम अस्पताल के डॉ सुमित राय ने कहा, इस दौरान उनका परिवार काफी शांत रहा। जब उनका निधन हुआ तो उनकी पत्नी शर्मिलाजी, पुत्र सैफ और दोनों बेटियां सोहा और सबा बहुत शांत थे। उन्होंने कहा, शर्मिलाजी उस बीमारी के बारे में जानती थी जिससे वह पिछले कुछ समय से पीड़ित थे। वे पूरे समय अस्पताल में रही। जब उनकी हाल में सुधार नहीं हो रहा था तब भी उन्होंने चिकित्सकों का पूरा सहयोग किया। डॉ राय ने कहा, कल शाम जब वह बेहोश हो गये थे तो परिजन तब से ही बहुत दुखी थे लेकिन तीनों बच्चे इस दौरान यहां तक आखिर तक शांत बने रहे। हम उन्हें उनकी बिगड़ती हालत के बारे में बताते रहे और उन्हें हमें पूरा सहयोग दिया। अंतिम सांस लेने के समय तक वे सभी उनके साथ थे।
डॉ राय ने कहा, हम परिजनों को उनकी बिगड़ती हालत के बारे में बताते रहे और उन्हें हमें पूरा सहयोग दिया।
6
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: दो राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार और दो फिल्मफेयर पुरस्कार से सम्मानित अभिनेत्री शर्मिला टैगोर का कहना है कि वह अपने दिवंगत पति क्रिकेटर मंसूर अली खान पटौदी की बायोपिक देखना पसंद करेंगी और इसमें वह रणबीर और आलिया को देखना चाहेंगी. शर्मिला ने शनिवार रात लक्स गोल्डन रोज अवार्ड के रेड कार्पेट पर कहा, "हां, मैं चाहूंगी कि मंसूर अली खान पर एक फिल्म बने. यदि कोई वाकई में इसका ठीक से निर्देश करे, और इसे उचित शोध के साथ बनाए तो मुझे अच्छा लगेगा. मैं समझती हूं कि उनकी जिंदगी में बहुत कुछ रहा है, दुर्घटना, पिता को खोना और क्रिकेट." कौन-से कलाकार को वह पटौदी की भूमिका में देखना पसंद करेंगी? इस पर अभिनेत्री ने कहा,"मुझे नहीं पता. लेकिन कोई ऐसा हो, जो पटौदी जैसा लगे. वह रणबीर कपूर हो सकते हैं या कोई और." पर्दे पर खुद की भूमिका में किसे देखना पसंद करेंगी? इस पर उन्होंने कहा,"यह एक वास्तविक चुनौती होगी. आलिया कैसी रहेगी?"टिप्पणियां शर्मिला टैगोर ने अपने फैमिली ट्रस्ट के बारे में बताते हुए कहा,"हमारा एक ट्रस्ट है, पटौदी ट्रस्ट. जिसके जरिए हम तेजाब हमले के पीड़ितों की मदद करते हैं. मुझे लगता है कि एक महिला और एक कलाकार के रूप में उनका साथ देना चाहिए." अभिनेत्री ने कहा कि उनके क्रिकेटर पति पर एक किताब पहले ही प्रकाशित हो चुकी है और उनकी जीवनी आने वाली है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) शर्मिला ने शनिवार रात लक्स गोल्डन रोज अवार्ड के रेड कार्पेट पर कहा, "हां, मैं चाहूंगी कि मंसूर अली खान पर एक फिल्म बने. यदि कोई वाकई में इसका ठीक से निर्देश करे, और इसे उचित शोध के साथ बनाए तो मुझे अच्छा लगेगा. मैं समझती हूं कि उनकी जिंदगी में बहुत कुछ रहा है, दुर्घटना, पिता को खोना और क्रिकेट." कौन-से कलाकार को वह पटौदी की भूमिका में देखना पसंद करेंगी? इस पर अभिनेत्री ने कहा,"मुझे नहीं पता. लेकिन कोई ऐसा हो, जो पटौदी जैसा लगे. वह रणबीर कपूर हो सकते हैं या कोई और." पर्दे पर खुद की भूमिका में किसे देखना पसंद करेंगी? इस पर उन्होंने कहा,"यह एक वास्तविक चुनौती होगी. आलिया कैसी रहेगी?"टिप्पणियां शर्मिला टैगोर ने अपने फैमिली ट्रस्ट के बारे में बताते हुए कहा,"हमारा एक ट्रस्ट है, पटौदी ट्रस्ट. जिसके जरिए हम तेजाब हमले के पीड़ितों की मदद करते हैं. मुझे लगता है कि एक महिला और एक कलाकार के रूप में उनका साथ देना चाहिए." अभिनेत्री ने कहा कि उनके क्रिकेटर पति पर एक किताब पहले ही प्रकाशित हो चुकी है और उनकी जीवनी आने वाली है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) कौन-से कलाकार को वह पटौदी की भूमिका में देखना पसंद करेंगी? इस पर अभिनेत्री ने कहा,"मुझे नहीं पता. लेकिन कोई ऐसा हो, जो पटौदी जैसा लगे. वह रणबीर कपूर हो सकते हैं या कोई और." पर्दे पर खुद की भूमिका में किसे देखना पसंद करेंगी? इस पर उन्होंने कहा,"यह एक वास्तविक चुनौती होगी. आलिया कैसी रहेगी?"टिप्पणियां शर्मिला टैगोर ने अपने फैमिली ट्रस्ट के बारे में बताते हुए कहा,"हमारा एक ट्रस्ट है, पटौदी ट्रस्ट. जिसके जरिए हम तेजाब हमले के पीड़ितों की मदद करते हैं. मुझे लगता है कि एक महिला और एक कलाकार के रूप में उनका साथ देना चाहिए." अभिनेत्री ने कहा कि उनके क्रिकेटर पति पर एक किताब पहले ही प्रकाशित हो चुकी है और उनकी जीवनी आने वाली है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) शर्मिला टैगोर ने अपने फैमिली ट्रस्ट के बारे में बताते हुए कहा,"हमारा एक ट्रस्ट है, पटौदी ट्रस्ट. जिसके जरिए हम तेजाब हमले के पीड़ितों की मदद करते हैं. मुझे लगता है कि एक महिला और एक कलाकार के रूप में उनका साथ देना चाहिए." अभिनेत्री ने कहा कि उनके क्रिकेटर पति पर एक किताब पहले ही प्रकाशित हो चुकी है और उनकी जीवनी आने वाली है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
पति मंसूर अली खान पटौदी की बायोपिक देखना चाहती हैं शर्मिला टैगोर. नवाब पटौदी पर एक किताब आ जुकी है, जल्द ही एक जीवनी आने वाली है. आलिया भट्ट को अपने रोल में देखना चाहती हैं शर्मिला टैगोर.
28
['hin']
एक सारांश बनाओ: कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने शनिवार को लोकसभा चुनाव जल्द होने की संभावना से इनकार का संकेत देते हुए कहा कि हमारा लक्ष्य कार्यकाल पूरा करना है। जब संवाददाताओं ने सवाल किया कि क्या कांग्रेस खाद्य सुरक्षा विधेयक और भूमि अधिग्रहण विधेयक जैसे महत्वपूर्ण विधेयकों को पारित कराने के बाद चुनाव कराएगी तो शुरू में सोनिया ने कोई जवाब नहीं दिया, लेकिन एक बार फिर यही सवाल आया, तो उन्होंने टिप्पणी की, मैं कुछ नहीं कह सकती। जब संवाददाता इसी सवाल को लेकर डटे रहे, तो उन्होंने कहा, हमारा लक्ष्य कार्यकाल पूरा करना है।टिप्पणियां राष्ट्रीय मीडिया केंद्र के उद्घाटन के बाद संवाददाताओं से बातचीत करते हुए सोनिया ने विश्वास जताया कि अगले चुनावों के बाद यूपीए-3 सत्ता में आएगा। उनका कहना था कि सत्ताधारी गठबंधन ने जनता को जो अधिकार दिए हैं, वही यूपीए की जीत की वजह बनेंगे। जब पूछा गया कि यूपीए-3 के सत्ता में आने की क्या संभावना है और किस खास बात पर चुनाव लड़े जाएंगे, उन्होंने कहा, निश्चित तौर पर शत-प्रतिशत... स्वाभाविक सी बात है कि हमने कई अधिकार दिए। सूचना का अधिकार, शिक्षा का अधिकार और अब खाद्य सुरक्षा का अधिकार, यही हमारी खास बात है। एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि उम्मीद है कि खा़द्य सुरक्षा विधेयक अगले सप्ताह पारित हो जाएगा। जब संवाददाताओं ने सवाल किया कि क्या कांग्रेस खाद्य सुरक्षा विधेयक और भूमि अधिग्रहण विधेयक जैसे महत्वपूर्ण विधेयकों को पारित कराने के बाद चुनाव कराएगी तो शुरू में सोनिया ने कोई जवाब नहीं दिया, लेकिन एक बार फिर यही सवाल आया, तो उन्होंने टिप्पणी की, मैं कुछ नहीं कह सकती। जब संवाददाता इसी सवाल को लेकर डटे रहे, तो उन्होंने कहा, हमारा लक्ष्य कार्यकाल पूरा करना है।टिप्पणियां राष्ट्रीय मीडिया केंद्र के उद्घाटन के बाद संवाददाताओं से बातचीत करते हुए सोनिया ने विश्वास जताया कि अगले चुनावों के बाद यूपीए-3 सत्ता में आएगा। उनका कहना था कि सत्ताधारी गठबंधन ने जनता को जो अधिकार दिए हैं, वही यूपीए की जीत की वजह बनेंगे। जब पूछा गया कि यूपीए-3 के सत्ता में आने की क्या संभावना है और किस खास बात पर चुनाव लड़े जाएंगे, उन्होंने कहा, निश्चित तौर पर शत-प्रतिशत... स्वाभाविक सी बात है कि हमने कई अधिकार दिए। सूचना का अधिकार, शिक्षा का अधिकार और अब खाद्य सुरक्षा का अधिकार, यही हमारी खास बात है। एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि उम्मीद है कि खा़द्य सुरक्षा विधेयक अगले सप्ताह पारित हो जाएगा। राष्ट्रीय मीडिया केंद्र के उद्घाटन के बाद संवाददाताओं से बातचीत करते हुए सोनिया ने विश्वास जताया कि अगले चुनावों के बाद यूपीए-3 सत्ता में आएगा। उनका कहना था कि सत्ताधारी गठबंधन ने जनता को जो अधिकार दिए हैं, वही यूपीए की जीत की वजह बनेंगे। जब पूछा गया कि यूपीए-3 के सत्ता में आने की क्या संभावना है और किस खास बात पर चुनाव लड़े जाएंगे, उन्होंने कहा, निश्चित तौर पर शत-प्रतिशत... स्वाभाविक सी बात है कि हमने कई अधिकार दिए। सूचना का अधिकार, शिक्षा का अधिकार और अब खाद्य सुरक्षा का अधिकार, यही हमारी खास बात है। एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि उम्मीद है कि खा़द्य सुरक्षा विधेयक अगले सप्ताह पारित हो जाएगा। जब पूछा गया कि यूपीए-3 के सत्ता में आने की क्या संभावना है और किस खास बात पर चुनाव लड़े जाएंगे, उन्होंने कहा, निश्चित तौर पर शत-प्रतिशत... स्वाभाविक सी बात है कि हमने कई अधिकार दिए। सूचना का अधिकार, शिक्षा का अधिकार और अब खाद्य सुरक्षा का अधिकार, यही हमारी खास बात है। एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि उम्मीद है कि खा़द्य सुरक्षा विधेयक अगले सप्ताह पारित हो जाएगा।
यहाँ एक सारांश है:कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने लोकसभा चुनाव जल्द होने की संभावना से इनकार का संकेत देते हुए कहा कि हमारा लक्ष्य कार्यकाल पूरा करना है।
15
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: भारतीय क्रिकेट टीम के युवा बल्लेबाज विराट कोहली और हरफनमौला खिलाड़ी यूसुफ पठान को दक्षिण अफ्रीका में सम्पन्न एकदिवसीय मुकाबले में शानदार प्रदर्शन का इनाम मिला है। कोहली आईसीसी की ताजा एकदिवसीय रैंकिंग में संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर पहुंच गए हैं जबकि पठान 34 स्थान की छलांग लगाते हुए 48वें नम्बर पर पहुंच गए हैं। कोहली 784 अंकों के साथ दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाज अब्राहम डिविलयर्स (784) के साथ संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर पहुंच गए हैं। कोहली इससे पहले पांचवें स्थान पर थे। डिविलियर्स के साथी खिलाड़ी हाशिम अमला (889) अंकों के साथ शीर्ष पर काबिज हैं। दक्षिण अफ्रीका के साथ खेली गई पांच मैचों की एकदिवसीय श्रृंखला में कोहली ने भारत की ओर से सर्वाधिक 191 रन बनाए थे। श्रृंखला के पांचवें और अंतिम मुकाबले में शानदार शतक जड़ने वाले पठान 34 स्थान का छलांग लगाते हुए 82वें से 48वें स्थान पर पहुंच गए हैं। ऑस्ट्रेलिया के माइकल हसी 783 अंकों के साथ चौथे जबकि वेस्टइंडीज के पूर्व कप्तान क्रिस गेल पांचवें स्थान पर हैं। भारतीय कप्तान महेंद्र सिंह धोनी 730 अंकों के साथ सातवें स्थान पर हैं। गेंदबाजी में न्यूजीलैंड क्रिकेट टीम के कप्तान डेनियल विटोरी 727 अंको के साथ शीर्ष पर हैं।
यहाँ एक सारांश है:बल्लेबाज विराट कोहली और हरफनमौला खिलाड़ी यूसुफ पठान को द. अफ्रीका में सम्पन्न एकदिवसीय मुकाबले में शानदार प्रदर्शन का इनाम मिला है।
4
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: फिल्म निर्देशक विशाल भारद्वाज ने गीतकार-निर्देशक गुलजार के साथ अपनी पाकिस्तान यात्रा को अधूरा छोड़कर लौट आने के पीछे किसी राजनीतिक कारण के होने से इनकार किया है। निर्देशक विशाल भारद्वाज ने एक बयान जारी कर सफाई दी है कि गुलजार के साथ उनकी पाकिस्तान यात्रा को अधूरा छोड़कर लौट आने के पीछे कोई राजनीतिक कारण नहीं है। भारद्वाज के बयान में कहा गया है कि वह अपनी नई फिल्म 'डेढ़ इश्किया' के एक गाने की रिकॉर्डिंग के लिए पाकिस्तान गए थे। उस दौरान गुलजार साहब अपने गुरु और प्रसिद्ध कवि अहमद नदीम कासमी की कब्र पर गए और उसके बाद वह अपने जन्मस्थान दीना भी लगभग 70 साल के बाद गए। वह वहां जाकर काफी भावुक हो गए थे और जब हम लाहौर के होटल में लौटे, तब वह काफी असहज महसूस कर रहे थे। इस वजह से हमने रिकॉर्डिंग रद्द कर दी और यात्रा को अधूरा छोड़कर उन्हें हिन्दुस्तान वापस ले आए। जैसे ही गुलजार साहब अच्छा महसूस करने लगेंगे, हम पाकिस्तान दोबारा जाएंगे।टिप्पणियां दरअसल, गुलजार को शुक्रवार को शुरू होने जा रहे कराची साहित्य महोत्सव में भाग लेना था, जिसके उद्घाटन समारोह में वह प्रमुख वक्ता के रूप में शामिल होने वाले थे। इसके बाद चर्चाएं शुरू हो गई थीं कि उन्हें भारतीय उच्चायोग की ओर से भारत लौट जाने की सलाह दी गई थी, हालांकि उच्चायोग ने एक बयान जारी कर इस बात से इनकार किया कि गुलजार द्वारा यात्रा को अधूरी छोड़कर लौट जाने में उसकी कोई भूमिका है। बयान में कहा गया था कि गुलजार साहब की पाकिस्तान यात्रा निजी थी। इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग को उनके कार्यक्रम की कोई जानकारी नहीं थी और न ही उच्चायोग की ओर से किसी ने भी उन्हें लौट जाने की सलाह दी। बयान में आगे कहा गया कि दरअसल, उच्चायोग का उनसे कोई संपर्क नहीं था। यह खबर कि भारतीय उच्चायोग ने उन्हें हिन्दुस्तान लौट जाने की सलाह दी थी, पूरी तरह गलत और मनगढ़ंत है। निर्देशक विशाल भारद्वाज ने एक बयान जारी कर सफाई दी है कि गुलजार के साथ उनकी पाकिस्तान यात्रा को अधूरा छोड़कर लौट आने के पीछे कोई राजनीतिक कारण नहीं है। भारद्वाज के बयान में कहा गया है कि वह अपनी नई फिल्म 'डेढ़ इश्किया' के एक गाने की रिकॉर्डिंग के लिए पाकिस्तान गए थे। उस दौरान गुलजार साहब अपने गुरु और प्रसिद्ध कवि अहमद नदीम कासमी की कब्र पर गए और उसके बाद वह अपने जन्मस्थान दीना भी लगभग 70 साल के बाद गए। वह वहां जाकर काफी भावुक हो गए थे और जब हम लाहौर के होटल में लौटे, तब वह काफी असहज महसूस कर रहे थे। इस वजह से हमने रिकॉर्डिंग रद्द कर दी और यात्रा को अधूरा छोड़कर उन्हें हिन्दुस्तान वापस ले आए। जैसे ही गुलजार साहब अच्छा महसूस करने लगेंगे, हम पाकिस्तान दोबारा जाएंगे।टिप्पणियां दरअसल, गुलजार को शुक्रवार को शुरू होने जा रहे कराची साहित्य महोत्सव में भाग लेना था, जिसके उद्घाटन समारोह में वह प्रमुख वक्ता के रूप में शामिल होने वाले थे। इसके बाद चर्चाएं शुरू हो गई थीं कि उन्हें भारतीय उच्चायोग की ओर से भारत लौट जाने की सलाह दी गई थी, हालांकि उच्चायोग ने एक बयान जारी कर इस बात से इनकार किया कि गुलजार द्वारा यात्रा को अधूरी छोड़कर लौट जाने में उसकी कोई भूमिका है। बयान में कहा गया था कि गुलजार साहब की पाकिस्तान यात्रा निजी थी। इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग को उनके कार्यक्रम की कोई जानकारी नहीं थी और न ही उच्चायोग की ओर से किसी ने भी उन्हें लौट जाने की सलाह दी। बयान में आगे कहा गया कि दरअसल, उच्चायोग का उनसे कोई संपर्क नहीं था। यह खबर कि भारतीय उच्चायोग ने उन्हें हिन्दुस्तान लौट जाने की सलाह दी थी, पूरी तरह गलत और मनगढ़ंत है। भारद्वाज के बयान में कहा गया है कि वह अपनी नई फिल्म 'डेढ़ इश्किया' के एक गाने की रिकॉर्डिंग के लिए पाकिस्तान गए थे। उस दौरान गुलजार साहब अपने गुरु और प्रसिद्ध कवि अहमद नदीम कासमी की कब्र पर गए और उसके बाद वह अपने जन्मस्थान दीना भी लगभग 70 साल के बाद गए। वह वहां जाकर काफी भावुक हो गए थे और जब हम लाहौर के होटल में लौटे, तब वह काफी असहज महसूस कर रहे थे। इस वजह से हमने रिकॉर्डिंग रद्द कर दी और यात्रा को अधूरा छोड़कर उन्हें हिन्दुस्तान वापस ले आए। जैसे ही गुलजार साहब अच्छा महसूस करने लगेंगे, हम पाकिस्तान दोबारा जाएंगे।टिप्पणियां दरअसल, गुलजार को शुक्रवार को शुरू होने जा रहे कराची साहित्य महोत्सव में भाग लेना था, जिसके उद्घाटन समारोह में वह प्रमुख वक्ता के रूप में शामिल होने वाले थे। इसके बाद चर्चाएं शुरू हो गई थीं कि उन्हें भारतीय उच्चायोग की ओर से भारत लौट जाने की सलाह दी गई थी, हालांकि उच्चायोग ने एक बयान जारी कर इस बात से इनकार किया कि गुलजार द्वारा यात्रा को अधूरी छोड़कर लौट जाने में उसकी कोई भूमिका है। बयान में कहा गया था कि गुलजार साहब की पाकिस्तान यात्रा निजी थी। इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग को उनके कार्यक्रम की कोई जानकारी नहीं थी और न ही उच्चायोग की ओर से किसी ने भी उन्हें लौट जाने की सलाह दी। बयान में आगे कहा गया कि दरअसल, उच्चायोग का उनसे कोई संपर्क नहीं था। यह खबर कि भारतीय उच्चायोग ने उन्हें हिन्दुस्तान लौट जाने की सलाह दी थी, पूरी तरह गलत और मनगढ़ंत है। दरअसल, गुलजार को शुक्रवार को शुरू होने जा रहे कराची साहित्य महोत्सव में भाग लेना था, जिसके उद्घाटन समारोह में वह प्रमुख वक्ता के रूप में शामिल होने वाले थे। इसके बाद चर्चाएं शुरू हो गई थीं कि उन्हें भारतीय उच्चायोग की ओर से भारत लौट जाने की सलाह दी गई थी, हालांकि उच्चायोग ने एक बयान जारी कर इस बात से इनकार किया कि गुलजार द्वारा यात्रा को अधूरी छोड़कर लौट जाने में उसकी कोई भूमिका है। बयान में कहा गया था कि गुलजार साहब की पाकिस्तान यात्रा निजी थी। इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग को उनके कार्यक्रम की कोई जानकारी नहीं थी और न ही उच्चायोग की ओर से किसी ने भी उन्हें लौट जाने की सलाह दी। बयान में आगे कहा गया कि दरअसल, उच्चायोग का उनसे कोई संपर्क नहीं था। यह खबर कि भारतीय उच्चायोग ने उन्हें हिन्दुस्तान लौट जाने की सलाह दी थी, पूरी तरह गलत और मनगढ़ंत है। बयान में कहा गया था कि गुलजार साहब की पाकिस्तान यात्रा निजी थी। इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग को उनके कार्यक्रम की कोई जानकारी नहीं थी और न ही उच्चायोग की ओर से किसी ने भी उन्हें लौट जाने की सलाह दी। बयान में आगे कहा गया कि दरअसल, उच्चायोग का उनसे कोई संपर्क नहीं था। यह खबर कि भारतीय उच्चायोग ने उन्हें हिन्दुस्तान लौट जाने की सलाह दी थी, पूरी तरह गलत और मनगढ़ंत है।
यह एक सारांश है: निर्देशक विशाल भारद्वाज ने एक बयान जारी कर सफाई दी है कि गुलजार के साथ उनकी पाकिस्तान यात्रा को अधूरा छोड़कर लौट आने के पीछे कोई राजनीतिक कारण नहीं है।
9
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: लगातार तीन हफ्तों तक गिरावट के बाद 12 मार्च को समाप्त सप्ताह में खाद्य पदार्थों की महंगाई दर में एक बार फिर वृद्धि दर्ज की गई और यह बढ़कर 10.05 प्रतिशत हो गई। इससे पिछले सप्ताह में यह महंगाई दर 9.42 प्रतिशत दर्ज की गई थी। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय द्वारा जारी महंगाई दर के इन आंकड़ों के मुताबिक 12 मार्च को समाप्त सप्ताह में प्राथमिक क्षेत्र की वस्तुओं की मुद्रास्फीति पिछले सप्ताह के 12.31 प्रतिशत से बढ़कर 13.53 प्रतिशत हो गई। जबकि ईंधन क्षेत्र की वस्तुओं की महंगाई दर 12.79 प्रतिशत पर स्थिर रही।  देश की कुल महंगाई दर भी भारतीय रिजर्व बैंक और सरकार द्वारा घोषित लक्षित स्तर 4-5 प्रतिशत से काफी ऊंचे स्तर पर बनी हुई है। 12 मार्च को समाप्त सप्ताह में प्रमुख खाद्य पदार्थो की कीमतों में पिछले साल के इसी सप्ताह के मुकाबले हुआ बदलाव निम्न है:प्याज : 10.8 प्रतिशतसब्जियां : 11.2 प्रतिशतफल : 23.6 प्रतिशतआलू : 2.82 प्रतिशतदूध : 6.63 प्रतिशतअंडा, मांस, मछली : 13.21 प्रतिशतमोटे अनाज : 4.45 प्रतिशतचावल : 2.75 प्रतिशतगेहूं : 2.15 प्रतिशतदालें : (-)3.78 प्रतिशत
यहाँ एक सारांश है:12 मार्च को समाप्त सप्ताह में खाद्य पदार्थों की महंगाई दर में एक बार फिर वृद्धि दर्ज की गई और यह बढ़कर 10.05 प्रतिशत हो गई।
18
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: सिखों के पवित्र ग्रंथ गुरु ग्रंथ साहिब साहिब को कथित तौर पर अपवित्र करने में शामिल एक महिला की आज जिले में घ्वाद्दी गांव के पास मोटरसाइकिल पर सवार दो व्यक्तियों द्वारा गोली मारकर हत्या कर दी गई। पुलिस ने कहा कि महिला की पहचान बलविंदर कौर रूप में की गई है। वह जमानत पर रिहा थी। कौर यहां से करीब 20 किलोमीटर दूर गुरूद्वारा आलमगीर में मत्था टेकने के बाद ऑटोरिक्शा से घर लौट रही थी कि तभी मोटरसाइकिल पर सवार दो लोगों ने ऑटोरिक्शा को रोका और उसे गोली मारकर भाग गए।टिप्पणियां कौर की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घ्वाद्दी गांव में पवित्र ग्रंथ को कथित रूप से अपवित्र करने के लिए उसे पिछले साल 18 अक्तूबर को गिरफ्तार किया गया था। वह उस गांव के गुरद्वारे में सेवादार थी। इस बीच, एक अन्य घटना में हथियारों से लैस 10-12 लोगों ने आज शहर के बाहरी इलाके में मलिकपुर गांव में गुरिंदरजीत सिंह उर्फ गैंदू के मकान पर हमला किया। इस हमले में पांच लोगों गंभीर रूप से घायल हो गए और बाद में गुरिंदरजीत ने सरकारी अस्पताल में दम तोड़ दिया। पुलिस ने कहा कि हमलावर एक कार और दो मोटरसाइकिलों पर आए थे और हमला करके भाग गए। पुलिस ने कहा कि महिला की पहचान बलविंदर कौर रूप में की गई है। वह जमानत पर रिहा थी। कौर यहां से करीब 20 किलोमीटर दूर गुरूद्वारा आलमगीर में मत्था टेकने के बाद ऑटोरिक्शा से घर लौट रही थी कि तभी मोटरसाइकिल पर सवार दो लोगों ने ऑटोरिक्शा को रोका और उसे गोली मारकर भाग गए।टिप्पणियां कौर की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घ्वाद्दी गांव में पवित्र ग्रंथ को कथित रूप से अपवित्र करने के लिए उसे पिछले साल 18 अक्तूबर को गिरफ्तार किया गया था। वह उस गांव के गुरद्वारे में सेवादार थी। इस बीच, एक अन्य घटना में हथियारों से लैस 10-12 लोगों ने आज शहर के बाहरी इलाके में मलिकपुर गांव में गुरिंदरजीत सिंह उर्फ गैंदू के मकान पर हमला किया। इस हमले में पांच लोगों गंभीर रूप से घायल हो गए और बाद में गुरिंदरजीत ने सरकारी अस्पताल में दम तोड़ दिया। पुलिस ने कहा कि हमलावर एक कार और दो मोटरसाइकिलों पर आए थे और हमला करके भाग गए। कौर की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। घ्वाद्दी गांव में पवित्र ग्रंथ को कथित रूप से अपवित्र करने के लिए उसे पिछले साल 18 अक्तूबर को गिरफ्तार किया गया था। वह उस गांव के गुरद्वारे में सेवादार थी। इस बीच, एक अन्य घटना में हथियारों से लैस 10-12 लोगों ने आज शहर के बाहरी इलाके में मलिकपुर गांव में गुरिंदरजीत सिंह उर्फ गैंदू के मकान पर हमला किया। इस हमले में पांच लोगों गंभीर रूप से घायल हो गए और बाद में गुरिंदरजीत ने सरकारी अस्पताल में दम तोड़ दिया। पुलिस ने कहा कि हमलावर एक कार और दो मोटरसाइकिलों पर आए थे और हमला करके भाग गए। इस बीच, एक अन्य घटना में हथियारों से लैस 10-12 लोगों ने आज शहर के बाहरी इलाके में मलिकपुर गांव में गुरिंदरजीत सिंह उर्फ गैंदू के मकान पर हमला किया। इस हमले में पांच लोगों गंभीर रूप से घायल हो गए और बाद में गुरिंदरजीत ने सरकारी अस्पताल में दम तोड़ दिया। पुलिस ने कहा कि हमलावर एक कार और दो मोटरसाइकिलों पर आए थे और हमला करके भाग गए।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: मोटरसाइकिल सवार दो लोगों ने गोली मारकर हत्या की। महिला की पहचान बलविंदर कौर रूप में की गई है। पिछले साल 18 अक्तूबर को पुलिस ने किया था गिरफ्तार। वह जमानत पर रिहा थी।
19
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: श्रीलंका में ‘युद्ध अपराधियों’ को सजा की अपनी मांग पर केन्द्र पर दबाव बढ़ाते हुए संप्रग के महत्वपूर्ण घटक द्रमुक ने शुक्रवार को धमकी दी कि अगर जिनेवा में यूएनएचआरसी में अमेरिका समर्थित प्रस्ताव में संशोधन लाने की उसकी मांग नहीं मानी गई तो वह केन्द्रीय मंत्रिमंडल से अपने मंत्री हटा लेगी। पार्टी प्रमुख एम करुणानिधि ने शुक्रवार को देर रात एक बयान में कहा कि अगर उनकी मांग नहीं मानी गई तो द्रमुक के लिए प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह नीत मंत्रिमंडल में बने रहना महत्वहीन हो जाएगा।टिप्पणियां पार्टी की मांग को दोहराते हुए उन्होंने कहा कि अमेरिका के प्रस्ताव पर कई तरह की बातें आ रही हैं, द्रमुक नयी दिल्ली से जोर देकर इस प्रस्ताव में यह संशोधन लाने के लिए कहती है कि नरसंहार के लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान हो और तय समयसीमा में युद्ध अपराधियों के खिलाफ निष्पक्ष अंतरराष्ट्रीय जांच हो। द्रमुक नई दिल्ली पर दबाव बना रही है कि वह प्रस्ताव के समर्थन में वोट दे। पार्टी प्रमुख एम करुणानिधि ने शुक्रवार को देर रात एक बयान में कहा कि अगर उनकी मांग नहीं मानी गई तो द्रमुक के लिए प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह नीत मंत्रिमंडल में बने रहना महत्वहीन हो जाएगा।टिप्पणियां पार्टी की मांग को दोहराते हुए उन्होंने कहा कि अमेरिका के प्रस्ताव पर कई तरह की बातें आ रही हैं, द्रमुक नयी दिल्ली से जोर देकर इस प्रस्ताव में यह संशोधन लाने के लिए कहती है कि नरसंहार के लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान हो और तय समयसीमा में युद्ध अपराधियों के खिलाफ निष्पक्ष अंतरराष्ट्रीय जांच हो। द्रमुक नई दिल्ली पर दबाव बना रही है कि वह प्रस्ताव के समर्थन में वोट दे। पार्टी की मांग को दोहराते हुए उन्होंने कहा कि अमेरिका के प्रस्ताव पर कई तरह की बातें आ रही हैं, द्रमुक नयी दिल्ली से जोर देकर इस प्रस्ताव में यह संशोधन लाने के लिए कहती है कि नरसंहार के लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान हो और तय समयसीमा में युद्ध अपराधियों के खिलाफ निष्पक्ष अंतरराष्ट्रीय जांच हो। द्रमुक नई दिल्ली पर दबाव बना रही है कि वह प्रस्ताव के समर्थन में वोट दे। द्रमुक नई दिल्ली पर दबाव बना रही है कि वह प्रस्ताव के समर्थन में वोट दे।
श्रीलंका में ‘युद्ध अपराधियों’ को सजा की अपनी मांग पर केन्द्र पर दबाव बढ़ाते हुए संप्रग के महत्वपूर्ण घटक द्रमुक ने शुक्रवार को धमकी दी कि अगर जिनेवा में यूएनएचआरसी में अमेरिका समर्थित प्रस्ताव में संशोधन लाने की उसकी मांग नहीं मानी गई तो वह केन्द्रीय मंत
1
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: पाकिस्तानी क्रिकेट टीम के कप्तान मिस्बाह उल हक श्रीलंका के साथ मंगलवार से शुरू हो रही टेस्ट श्रृंखला में साथी खिलाड़ियों के बेहतर प्रदर्शन करने को लेकर पूरी तरह आश्वस्त हैं। पाकिस्तान और श्रीलंका के बीच तीन टेस्ट मैच, पांच एकदिवसीय मैचों की श्रृंखला और एक ट्वेंटी-20 मैच खेला जाएगा। ये सभी मुकाबले तटस्थ स्थल संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में खेले जाएंगे। पहला टेस्ट मैच 18-22 अक्टूबर तक खेला जाएगा। समाचार पत्र 'द न्यूज' ने मिस्बाह के हवाले से लिखा है, "टीम का मनोबल ऊंचा है। सभी खिलाड़ी अपनी भूमिका से अच्छी तरह वाकिफ हैं। क्रिकेट एक टीम गेम है। हमने हाल में टेस्ट क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन किया है इसलिए सभी खिलाड़ी अपनी भूमिका को अच्छी तरह से जानते हैं।" उल्लेखनीय है कि पाकिस्तानी टीम ने हाल में जिम्बाब्वे के साथ खेले गए एकमात्र टेस्ट मैच में जीत हासिल की थी जबकि इससे पहले उसने न्यूजीलैंड से टेस्ट श्रृंखला जीती थी। टीम की कप्तानी सम्भालने के बाद मिस्बाह ने आठ टेस्ट मैचों में 78.22 की औसत से 704 रन बनाए हैं। श्रीलंकाई टीम के बारे में मिस्बाह ने कहा, "इसमें कोई शक नहीं कि श्रीलंका एक बेहतरीन टीम है। विशेषतौर पर इन परिस्थितियों में। हमें उन्हें हराने के लिए बेहतर प्रदर्शन करना होगा।"
पाक कप्तान मिस्बाह उल हक श्रीलंका के साथ शुरू होने वाली टेस्ट श्रृंखला में साथी खिलाड़ियों के बेहतर प्रदर्शन करने को लेकर पूरी तरह आश्वस्त हैं।
6
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: बॉलीवुड एक्ट्रेस प्रियंका चोपड़ा (Priyanka Chopra), जायरा वसीम (Zaira Wasim) और फरहान अख्तर (Farhan Akhtar) की फिल्म 'द स्काइ इज पिंक (The Sky Is Pink)' को रिलीज होने में अब कुछ ही दिन बाकी हैं. इस फिल्म के जरिए प्रियंका चोपड़ा (Priyanka Chopra) काफी लंबे समय बाद पर्दे पर दिखाई देंगी. उनके अलावा यह फिल्म 'दंगल गर्ल' जायरा वसीम (Zaira Wasim) के करियर की आखिरी फिल्म हो सकती है, क्योंकि कुछ ही दिन पहले जायरा वसीम ने सोशल मीडिया हैंडल के जरिए हमेशा के लिए फिल्म इंडस्ट्री छोड़ने का ऐलान किया था. लेकिन हाल ही में फिल्म 'द स्काइ इज पिंक' से जुड़ा जायरा वसीम (Zaira Wasim) का फर्स्ट लुक सामने आया है, जिसमें वह फरहान अख्तर और प्रियंका चोपड़ा (Priyanka Chopra) के साथ बैठी दिखाई दे रही हैं.  फिल्म 'द स्काइ इज पिंक (The Sky Is Pink)' में जायरा वसीम (Zaira Wasim) प्रियंका चोपड़ा और फरहान की बेटी 'आयशा चौधरी' का किरदार निभा रही हैं. फिल्म के फर्स्ट लुक में भी जायरा वसीम अपने ऑन स्क्रीन माता-पिता (फरहान अख्तर और प्रियंका चोपड़ा) के साथ बैठी नजर आ रही हैं. फोटो में देखकर ऐसा लग रहा है, जैसे वह फरहान अख्तर के साथ कोई गेम खेल रही हों. जायरा वसीम के अलावा 'द स्काइ इज पिंक' से जुड़ा प्रियंका चोपड़ा (Priyanka Chopra) और फरहान अख्तर (Farhan Akhtar) का भी लुक सामने आया है. इस लुक में प्रियंका चोपड़ा फरहान अख्तर का हाथ पकड़े उनके साथ खड़ी दिखाई दे रही हैं.  बता दें कि प्रियंका चोपड़ा (Priyanka Chopra) और फरहान अख्तर स्टारर फिल्म 'द स्काइ इज पिंक (The Sky Is Pink)' 'अदिति' और 'निरेन चौधरी' की कहानी है, जिसे टीनएज लड़की 'आयशा चौधरी' के नजरिये से बताया जाएगा. फिल्म में प्रियंका चोपड़ा अदिति और फरहान अख्तर निरेन चौधरी की भूमिका निभाएंगे. 'द स्काइ इज पिंक' भारत में 11 अक्टूबर को रिलीज होगी, लेकिन 13 सितंबर को इसका टोरंटो इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में वर्ल्ड प्रीमियर किया जाएगा. शोनाली बोस के निर्देशन में बनी इस फिल्म को आरएसवीपी और रॉय कपूर फिल्म्स के बैनर तले तैयार किया गया है.
सारांश: जायरा वसीम की आखिरी फिल्म का फर्स्ट लुक आया सामने फर्स्ट लुक में फरहान और प्रियंका के साथ बैठी दिखीं दंगल गर्ल 11 अक्टूबर को रिलीज होगी प्रियंका और फरहान की फिल्म
31
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: भाजपा के पूर्व सांसद स्वामी चिन्मयांनद (Swami Chinmayanand) के खिलाफ बलात्कार का आरोप लगाने वाली छात्रा के मीडिया के सामने आने के बाद कांग्रेस ने बीजेपी पर निशाना साधा है. कांग्रेस ने मंगलवार को केंद्र एवं उत्तर प्रदेश की सरकारों पर आरोप लगाया कि ‘अपराधियों से प्रेम और संलिप्तता' भाजपा के डीएनए शमिल हो चुका है. पार्टी प्रवक्ता रागिनी नायक ने यह सवाल भी किया कि लड़की के बार-बार गुहार लगाने के बावजूद चिन्मयांनद से पूछताछ और उनकी गिरफ्तारी क्यों नहीं की गई? उन्होंने पीड़ित छात्रा के बयान से जुड़ा वीडियो दिखाते हुए संवाददाताओं से कहा, ‘‘ भाजपा कहती है बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ. लेकिन उत्तर प्रदेश में बेटियों के खिलाफ बलात्कार और उत्पीड़न की घटनाएं हो रही हैं. उन्नाव और चिन्मयानंद मामले मोदी सरकार और योगी सरकार की संवेदनहीनता को दिखाते हैं.''  नायक ने यह दावा भी किया, ‘‘उत्तर प्रदेश में पुलिस रक्षक से भक्षक बन चुकी है. सरकार की अपराधियों के साथ संलिप्तता दिख रही है. आवाज उठाने वाले पत्रकारों का उत्पीड़न किया जा रहा है. अपराधियों से प्रेम और संलिप्तता भाजपा के डीएनए में शामिल हो गया है.'' उन्होंने सवाल किया, ‘‘चिन्मयानंद से पूछताछ क्यों नहीं हुई? प्राथमिकी दर्ज क्यों नहीं की गई? गिरफ्तारी क्यों नहीं की गई?'' कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि इस मामले में जिम्मेदारी तय होनी चाहिए.  गौरतलब है कि शाहजहांपुर की छात्रा ने सोमवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आरोप लगाया कि भाजपा नेता चिन्मयानंद ने उसके साथ बलात्कार किया और एक साल तक प्रताड़ित किया. छात्रा ने दिल्ली में जीरो एफआईआर दर्ज करवाई है. उसने आरोप लगाया कि शाहजहांपुर में पुलिस चिन्मयानंद के दबाव में उसकी शिकायत पर एफआईआर दर्ज नहीं कर रही. पिछले महीने एक वायरल वीडियो में चिन्मयानंद पर जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाने वाली एलएलएम की छात्रा कल पहली बार मीडिया के सामने आई.
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: चिन्मयानंद मामले को लेकर घेरा कांग्रेस प्रवक्ता रागिनी नायक ने उठाया सवाल सोमवार को मीडिया से सामने आई है चिन्मयानंद मामले की पीड़िता
11
['hin']
एक सारांश बनाओ: योजना आयोग के उपाध्यक्ष मोंटेक सिंह आहलूवालिया ने कहा कि कैग सरकारी कार्य्रकमों की ऑडिट का काम करने के लिए उपयुक्त संसाधनों से लैस नहीं है। आहलूवालिया ने एक टीवी चैनल से कहा, अगर वे यह काम (निष्पादन ऑडिट) करने जा रहे हैं तो यह कुछ चार्टर्ड एकाउंटेंटों का काम नहीं है। तब उन्हें (कैग) को अधिक अर्थशास्त्री, अभियंता, समाज विज्ञानी नियुक्त करने होंगे।टिप्पणियां उन्होंने कहा, कैग की संवैधानिक भूमिका है, लेकिन उससे वित्तीय ऑडिट की अपेक्षा रहती है। निसंदेह वे प्रशिक्षित चार्टर्ड एकाउंटेंट या लागत एकाउंटेंट हैं। योजना आयोग में हाल ही में गठित स्वतंत्र आकलन कार्यालय (आईईओ) की जरूरत के सवाल पर उन्होंने कहा, स्वतंत्र आकलन वित्तीय ऑडिट के बारे में नहीं है, बल्कि यह निष्पादन ऑडिट भी है। यह नीति आडिट है। आहलूवालिया ने एक टीवी चैनल से कहा, अगर वे यह काम (निष्पादन ऑडिट) करने जा रहे हैं तो यह कुछ चार्टर्ड एकाउंटेंटों का काम नहीं है। तब उन्हें (कैग) को अधिक अर्थशास्त्री, अभियंता, समाज विज्ञानी नियुक्त करने होंगे।टिप्पणियां उन्होंने कहा, कैग की संवैधानिक भूमिका है, लेकिन उससे वित्तीय ऑडिट की अपेक्षा रहती है। निसंदेह वे प्रशिक्षित चार्टर्ड एकाउंटेंट या लागत एकाउंटेंट हैं। योजना आयोग में हाल ही में गठित स्वतंत्र आकलन कार्यालय (आईईओ) की जरूरत के सवाल पर उन्होंने कहा, स्वतंत्र आकलन वित्तीय ऑडिट के बारे में नहीं है, बल्कि यह निष्पादन ऑडिट भी है। यह नीति आडिट है। उन्होंने कहा, कैग की संवैधानिक भूमिका है, लेकिन उससे वित्तीय ऑडिट की अपेक्षा रहती है। निसंदेह वे प्रशिक्षित चार्टर्ड एकाउंटेंट या लागत एकाउंटेंट हैं। योजना आयोग में हाल ही में गठित स्वतंत्र आकलन कार्यालय (आईईओ) की जरूरत के सवाल पर उन्होंने कहा, स्वतंत्र आकलन वित्तीय ऑडिट के बारे में नहीं है, बल्कि यह निष्पादन ऑडिट भी है। यह नीति आडिट है। योजना आयोग में हाल ही में गठित स्वतंत्र आकलन कार्यालय (आईईओ) की जरूरत के सवाल पर उन्होंने कहा, स्वतंत्र आकलन वित्तीय ऑडिट के बारे में नहीं है, बल्कि यह निष्पादन ऑडिट भी है। यह नीति आडिट है।
आहलूवालिया ने कहा, अगर वे यह काम (निष्पादन ऑडिट) करने जा रहे हैं तो यह कुछ चार्टर्ड एकाउंटेंटों का काम नहीं है। तब उन्हें (कैग) को अधिक अर्थशास्त्री, अभियंता, समाज विज्ञानी नियुक्त करने होंगे।
26
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: कोयला खानों के आवंटन तथा 2-जी स्पेक्ट्रम मामलों पर रिपोर्ट को लेकर राजनीतिक तूफान खड़ा करने वाले नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक (कैग) विनोद राय ने बुधवार को कहा कि सरकार जिस ढिठाई के साथ निर्णय ले रही है वह बड़ा ही अचंभित करने वाला है। राय ने विश्व व्यापार मंच (डब्ल्यूईएफ) के एक सत्र में कहा ‘‘सरकार जिस ढिठाई से निर्णय ले रही है वह अचंभित करने वाला है।’’ उन्होंने कहा कि सूचना के अधिकार कानून (आरटीआई) के आने से शासन और प्रशासन सतर्क हुआ है क्योंकि उन्हें पता है कि कार्यों के लिए अब उन्हें उत्तर देना होगा। राय ने कहा, ‘‘..हम अब इसको लेकर काफी सतर्क हैं कि हममें से हर कोई अब जवाबदेह होगा।’’ उन्होंने आगे कहा कि आज सब कुछ सार्वजनिक है। कैग की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए सूचना और प्रसारण मंत्री मनीष तिवारी ने पलटवार के अंदाज में कहा कि अगर वह निर्णय लेने में ढिठाई की बात करते हैं तो सवाल उस समय को लेकर भी हो सकता है जब वह खुद सरकार में थे। तिवारी ने कहा कि वह निर्णय लेने के मामले में ढिठाई की बात करते हैं तो उन्हें यह ध्यान रखना चाहिए कि 2004 से 2008 के बीच जब वह सरकार का हिस्सा थे। यह बात हर उस व्यक्ति पर लागू होती है जो सरकार का हिस्सा है। कैग ने कहा कि भ्रष्टाचार से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सरकार को केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) और केन्द्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) को संवैधानिक दर्जा देना चाहिए। उन्होंने कहा ‘‘..यदि आप वास्तव में यह चाहते हैं कि इनमें से कुछ संस्थान (जैसे सीबीआई और सीवीसी) कुछ करके दिखाएं, आपको जोखिम उठाना होगा और .. साहस दिखाते हुए इन्हें संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ विनोद राय ने कहा कि सीबीआई और सीवीसी स्वतंत्र निकाय नहीं है इसीलिए समय समय पर लोग इन्हें सरकार के हाथ की कठपुतली बताते रहते हैं। उन्होंने कहा ‘‘यदि आप चाहते हैं कि लोकपाल पूरी स्वायत्तता और स्वतंत्रता के साथ काम करे तो आपको उसे संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ राय ने कहा कि जहां तक सीबीआई की बात है, ‘‘यह काम करने के लिये पूरी तरह स्वतंत्र नहीं है, और यही वजह है कि समय समय पर यह लिखा जाता है कि .. सीबीआई सरकार की कठपुतली बन गई है। सीवीसी को देखिए, इस संस्था का खौफ है पर यह बदनाम भी है.. यह एक सांविधिक निकाय तो है, लेकिन इसे संवैधानिक दर्जा नहीं मिला है।’’ भ्रष्टाचार के बारे में राय ने कहा इसे केवल लोकपाल कानून बनाकर ही समाप्त नहीं किया जा सकता।टिप्पणियां हालांकि, उन्होंने कहा ‘‘.. यदि हम इसके प्रति वास्तव में सचेत हैं तो देश में सांठगाठ और भाई भतीजावाद कम करके काफी हद तक भ्रष्टाचार पर लगाम लगा सकते हैं।’’ कैग के आकलनों को लेकर सरकार तथा संबंधित एजेंसियों की तरफ से सवाल उठाए जाने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘कोई भी तथ्यों को लेकर हमें गलत साबित नहीं कर सकता..आंकड़े को लेकर बहस हो सकती है..अगर यह 1.76 लाख करोड़ रुपये नहीं है तो 1.6 लाख करोड़ रुपये या 2.6 लाख करोड़ रुपये हो सकता है।’’ उल्लेखनीय है कैग स्वयं में एक संवैधानिक संस्था है और हाल में इसने 2-जी स्पेक्ट्रम आवंटन, कोल ब्लॉक आवंटन, राष्ट्रमंडल खेल आयोजन में भ्रष्टाचार से जुड़े कई मामलों को उजागर किया है। कैग की इन रिपोर्टों पर सरकार की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया हुई। 2जी स्पेक्ट्रम मामले में कैग ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी खजाने को जहां 1.76 लाख करोड़ रुपये का संभावित नुकसान होने का अनुमान जताया वहीं कोयला खानों के आवंटन के मामले में 1.86 लाख करोड़ रुपये के नुकसान की बात कही। राय ने विश्व व्यापार मंच (डब्ल्यूईएफ) के एक सत्र में कहा ‘‘सरकार जिस ढिठाई से निर्णय ले रही है वह अचंभित करने वाला है।’’ उन्होंने कहा कि सूचना के अधिकार कानून (आरटीआई) के आने से शासन और प्रशासन सतर्क हुआ है क्योंकि उन्हें पता है कि कार्यों के लिए अब उन्हें उत्तर देना होगा। राय ने कहा, ‘‘..हम अब इसको लेकर काफी सतर्क हैं कि हममें से हर कोई अब जवाबदेह होगा।’’ उन्होंने आगे कहा कि आज सब कुछ सार्वजनिक है। कैग की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए सूचना और प्रसारण मंत्री मनीष तिवारी ने पलटवार के अंदाज में कहा कि अगर वह निर्णय लेने में ढिठाई की बात करते हैं तो सवाल उस समय को लेकर भी हो सकता है जब वह खुद सरकार में थे। तिवारी ने कहा कि वह निर्णय लेने के मामले में ढिठाई की बात करते हैं तो उन्हें यह ध्यान रखना चाहिए कि 2004 से 2008 के बीच जब वह सरकार का हिस्सा थे। यह बात हर उस व्यक्ति पर लागू होती है जो सरकार का हिस्सा है। कैग ने कहा कि भ्रष्टाचार से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सरकार को केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) और केन्द्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) को संवैधानिक दर्जा देना चाहिए। उन्होंने कहा ‘‘..यदि आप वास्तव में यह चाहते हैं कि इनमें से कुछ संस्थान (जैसे सीबीआई और सीवीसी) कुछ करके दिखाएं, आपको जोखिम उठाना होगा और .. साहस दिखाते हुए इन्हें संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ विनोद राय ने कहा कि सीबीआई और सीवीसी स्वतंत्र निकाय नहीं है इसीलिए समय समय पर लोग इन्हें सरकार के हाथ की कठपुतली बताते रहते हैं। उन्होंने कहा ‘‘यदि आप चाहते हैं कि लोकपाल पूरी स्वायत्तता और स्वतंत्रता के साथ काम करे तो आपको उसे संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ राय ने कहा कि जहां तक सीबीआई की बात है, ‘‘यह काम करने के लिये पूरी तरह स्वतंत्र नहीं है, और यही वजह है कि समय समय पर यह लिखा जाता है कि .. सीबीआई सरकार की कठपुतली बन गई है। सीवीसी को देखिए, इस संस्था का खौफ है पर यह बदनाम भी है.. यह एक सांविधिक निकाय तो है, लेकिन इसे संवैधानिक दर्जा नहीं मिला है।’’ भ्रष्टाचार के बारे में राय ने कहा इसे केवल लोकपाल कानून बनाकर ही समाप्त नहीं किया जा सकता।टिप्पणियां हालांकि, उन्होंने कहा ‘‘.. यदि हम इसके प्रति वास्तव में सचेत हैं तो देश में सांठगाठ और भाई भतीजावाद कम करके काफी हद तक भ्रष्टाचार पर लगाम लगा सकते हैं।’’ कैग के आकलनों को लेकर सरकार तथा संबंधित एजेंसियों की तरफ से सवाल उठाए जाने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘कोई भी तथ्यों को लेकर हमें गलत साबित नहीं कर सकता..आंकड़े को लेकर बहस हो सकती है..अगर यह 1.76 लाख करोड़ रुपये नहीं है तो 1.6 लाख करोड़ रुपये या 2.6 लाख करोड़ रुपये हो सकता है।’’ उल्लेखनीय है कैग स्वयं में एक संवैधानिक संस्था है और हाल में इसने 2-जी स्पेक्ट्रम आवंटन, कोल ब्लॉक आवंटन, राष्ट्रमंडल खेल आयोजन में भ्रष्टाचार से जुड़े कई मामलों को उजागर किया है। कैग की इन रिपोर्टों पर सरकार की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया हुई। 2जी स्पेक्ट्रम मामले में कैग ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी खजाने को जहां 1.76 लाख करोड़ रुपये का संभावित नुकसान होने का अनुमान जताया वहीं कोयला खानों के आवंटन के मामले में 1.86 लाख करोड़ रुपये के नुकसान की बात कही। राय ने कहा, ‘‘..हम अब इसको लेकर काफी सतर्क हैं कि हममें से हर कोई अब जवाबदेह होगा।’’ उन्होंने आगे कहा कि आज सब कुछ सार्वजनिक है। कैग की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए सूचना और प्रसारण मंत्री मनीष तिवारी ने पलटवार के अंदाज में कहा कि अगर वह निर्णय लेने में ढिठाई की बात करते हैं तो सवाल उस समय को लेकर भी हो सकता है जब वह खुद सरकार में थे। तिवारी ने कहा कि वह निर्णय लेने के मामले में ढिठाई की बात करते हैं तो उन्हें यह ध्यान रखना चाहिए कि 2004 से 2008 के बीच जब वह सरकार का हिस्सा थे। यह बात हर उस व्यक्ति पर लागू होती है जो सरकार का हिस्सा है। कैग ने कहा कि भ्रष्टाचार से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सरकार को केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) और केन्द्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) को संवैधानिक दर्जा देना चाहिए। उन्होंने कहा ‘‘..यदि आप वास्तव में यह चाहते हैं कि इनमें से कुछ संस्थान (जैसे सीबीआई और सीवीसी) कुछ करके दिखाएं, आपको जोखिम उठाना होगा और .. साहस दिखाते हुए इन्हें संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ विनोद राय ने कहा कि सीबीआई और सीवीसी स्वतंत्र निकाय नहीं है इसीलिए समय समय पर लोग इन्हें सरकार के हाथ की कठपुतली बताते रहते हैं। उन्होंने कहा ‘‘यदि आप चाहते हैं कि लोकपाल पूरी स्वायत्तता और स्वतंत्रता के साथ काम करे तो आपको उसे संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ राय ने कहा कि जहां तक सीबीआई की बात है, ‘‘यह काम करने के लिये पूरी तरह स्वतंत्र नहीं है, और यही वजह है कि समय समय पर यह लिखा जाता है कि .. सीबीआई सरकार की कठपुतली बन गई है। सीवीसी को देखिए, इस संस्था का खौफ है पर यह बदनाम भी है.. यह एक सांविधिक निकाय तो है, लेकिन इसे संवैधानिक दर्जा नहीं मिला है।’’ भ्रष्टाचार के बारे में राय ने कहा इसे केवल लोकपाल कानून बनाकर ही समाप्त नहीं किया जा सकता।टिप्पणियां हालांकि, उन्होंने कहा ‘‘.. यदि हम इसके प्रति वास्तव में सचेत हैं तो देश में सांठगाठ और भाई भतीजावाद कम करके काफी हद तक भ्रष्टाचार पर लगाम लगा सकते हैं।’’ कैग के आकलनों को लेकर सरकार तथा संबंधित एजेंसियों की तरफ से सवाल उठाए जाने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘कोई भी तथ्यों को लेकर हमें गलत साबित नहीं कर सकता..आंकड़े को लेकर बहस हो सकती है..अगर यह 1.76 लाख करोड़ रुपये नहीं है तो 1.6 लाख करोड़ रुपये या 2.6 लाख करोड़ रुपये हो सकता है।’’ उल्लेखनीय है कैग स्वयं में एक संवैधानिक संस्था है और हाल में इसने 2-जी स्पेक्ट्रम आवंटन, कोल ब्लॉक आवंटन, राष्ट्रमंडल खेल आयोजन में भ्रष्टाचार से जुड़े कई मामलों को उजागर किया है। कैग की इन रिपोर्टों पर सरकार की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया हुई। 2जी स्पेक्ट्रम मामले में कैग ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी खजाने को जहां 1.76 लाख करोड़ रुपये का संभावित नुकसान होने का अनुमान जताया वहीं कोयला खानों के आवंटन के मामले में 1.86 लाख करोड़ रुपये के नुकसान की बात कही। कैग की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए सूचना और प्रसारण मंत्री मनीष तिवारी ने पलटवार के अंदाज में कहा कि अगर वह निर्णय लेने में ढिठाई की बात करते हैं तो सवाल उस समय को लेकर भी हो सकता है जब वह खुद सरकार में थे। तिवारी ने कहा कि वह निर्णय लेने के मामले में ढिठाई की बात करते हैं तो उन्हें यह ध्यान रखना चाहिए कि 2004 से 2008 के बीच जब वह सरकार का हिस्सा थे। यह बात हर उस व्यक्ति पर लागू होती है जो सरकार का हिस्सा है। कैग ने कहा कि भ्रष्टाचार से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सरकार को केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) और केन्द्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) को संवैधानिक दर्जा देना चाहिए। उन्होंने कहा ‘‘..यदि आप वास्तव में यह चाहते हैं कि इनमें से कुछ संस्थान (जैसे सीबीआई और सीवीसी) कुछ करके दिखाएं, आपको जोखिम उठाना होगा और .. साहस दिखाते हुए इन्हें संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ विनोद राय ने कहा कि सीबीआई और सीवीसी स्वतंत्र निकाय नहीं है इसीलिए समय समय पर लोग इन्हें सरकार के हाथ की कठपुतली बताते रहते हैं। उन्होंने कहा ‘‘यदि आप चाहते हैं कि लोकपाल पूरी स्वायत्तता और स्वतंत्रता के साथ काम करे तो आपको उसे संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ राय ने कहा कि जहां तक सीबीआई की बात है, ‘‘यह काम करने के लिये पूरी तरह स्वतंत्र नहीं है, और यही वजह है कि समय समय पर यह लिखा जाता है कि .. सीबीआई सरकार की कठपुतली बन गई है। सीवीसी को देखिए, इस संस्था का खौफ है पर यह बदनाम भी है.. यह एक सांविधिक निकाय तो है, लेकिन इसे संवैधानिक दर्जा नहीं मिला है।’’ भ्रष्टाचार के बारे में राय ने कहा इसे केवल लोकपाल कानून बनाकर ही समाप्त नहीं किया जा सकता।टिप्पणियां हालांकि, उन्होंने कहा ‘‘.. यदि हम इसके प्रति वास्तव में सचेत हैं तो देश में सांठगाठ और भाई भतीजावाद कम करके काफी हद तक भ्रष्टाचार पर लगाम लगा सकते हैं।’’ कैग के आकलनों को लेकर सरकार तथा संबंधित एजेंसियों की तरफ से सवाल उठाए जाने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘कोई भी तथ्यों को लेकर हमें गलत साबित नहीं कर सकता..आंकड़े को लेकर बहस हो सकती है..अगर यह 1.76 लाख करोड़ रुपये नहीं है तो 1.6 लाख करोड़ रुपये या 2.6 लाख करोड़ रुपये हो सकता है।’’ उल्लेखनीय है कैग स्वयं में एक संवैधानिक संस्था है और हाल में इसने 2-जी स्पेक्ट्रम आवंटन, कोल ब्लॉक आवंटन, राष्ट्रमंडल खेल आयोजन में भ्रष्टाचार से जुड़े कई मामलों को उजागर किया है। कैग की इन रिपोर्टों पर सरकार की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया हुई। 2जी स्पेक्ट्रम मामले में कैग ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी खजाने को जहां 1.76 लाख करोड़ रुपये का संभावित नुकसान होने का अनुमान जताया वहीं कोयला खानों के आवंटन के मामले में 1.86 लाख करोड़ रुपये के नुकसान की बात कही। तिवारी ने कहा कि वह निर्णय लेने के मामले में ढिठाई की बात करते हैं तो उन्हें यह ध्यान रखना चाहिए कि 2004 से 2008 के बीच जब वह सरकार का हिस्सा थे। यह बात हर उस व्यक्ति पर लागू होती है जो सरकार का हिस्सा है। कैग ने कहा कि भ्रष्टाचार से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सरकार को केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) और केन्द्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) को संवैधानिक दर्जा देना चाहिए। उन्होंने कहा ‘‘..यदि आप वास्तव में यह चाहते हैं कि इनमें से कुछ संस्थान (जैसे सीबीआई और सीवीसी) कुछ करके दिखाएं, आपको जोखिम उठाना होगा और .. साहस दिखाते हुए इन्हें संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ विनोद राय ने कहा कि सीबीआई और सीवीसी स्वतंत्र निकाय नहीं है इसीलिए समय समय पर लोग इन्हें सरकार के हाथ की कठपुतली बताते रहते हैं। उन्होंने कहा ‘‘यदि आप चाहते हैं कि लोकपाल पूरी स्वायत्तता और स्वतंत्रता के साथ काम करे तो आपको उसे संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ राय ने कहा कि जहां तक सीबीआई की बात है, ‘‘यह काम करने के लिये पूरी तरह स्वतंत्र नहीं है, और यही वजह है कि समय समय पर यह लिखा जाता है कि .. सीबीआई सरकार की कठपुतली बन गई है। सीवीसी को देखिए, इस संस्था का खौफ है पर यह बदनाम भी है.. यह एक सांविधिक निकाय तो है, लेकिन इसे संवैधानिक दर्जा नहीं मिला है।’’ भ्रष्टाचार के बारे में राय ने कहा इसे केवल लोकपाल कानून बनाकर ही समाप्त नहीं किया जा सकता।टिप्पणियां हालांकि, उन्होंने कहा ‘‘.. यदि हम इसके प्रति वास्तव में सचेत हैं तो देश में सांठगाठ और भाई भतीजावाद कम करके काफी हद तक भ्रष्टाचार पर लगाम लगा सकते हैं।’’ कैग के आकलनों को लेकर सरकार तथा संबंधित एजेंसियों की तरफ से सवाल उठाए जाने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘कोई भी तथ्यों को लेकर हमें गलत साबित नहीं कर सकता..आंकड़े को लेकर बहस हो सकती है..अगर यह 1.76 लाख करोड़ रुपये नहीं है तो 1.6 लाख करोड़ रुपये या 2.6 लाख करोड़ रुपये हो सकता है।’’ उल्लेखनीय है कैग स्वयं में एक संवैधानिक संस्था है और हाल में इसने 2-जी स्पेक्ट्रम आवंटन, कोल ब्लॉक आवंटन, राष्ट्रमंडल खेल आयोजन में भ्रष्टाचार से जुड़े कई मामलों को उजागर किया है। कैग की इन रिपोर्टों पर सरकार की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया हुई। 2जी स्पेक्ट्रम मामले में कैग ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी खजाने को जहां 1.76 लाख करोड़ रुपये का संभावित नुकसान होने का अनुमान जताया वहीं कोयला खानों के आवंटन के मामले में 1.86 लाख करोड़ रुपये के नुकसान की बात कही। कैग ने कहा कि भ्रष्टाचार से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सरकार को केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) और केन्द्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) को संवैधानिक दर्जा देना चाहिए। उन्होंने कहा ‘‘..यदि आप वास्तव में यह चाहते हैं कि इनमें से कुछ संस्थान (जैसे सीबीआई और सीवीसी) कुछ करके दिखाएं, आपको जोखिम उठाना होगा और .. साहस दिखाते हुए इन्हें संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ विनोद राय ने कहा कि सीबीआई और सीवीसी स्वतंत्र निकाय नहीं है इसीलिए समय समय पर लोग इन्हें सरकार के हाथ की कठपुतली बताते रहते हैं। उन्होंने कहा ‘‘यदि आप चाहते हैं कि लोकपाल पूरी स्वायत्तता और स्वतंत्रता के साथ काम करे तो आपको उसे संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ राय ने कहा कि जहां तक सीबीआई की बात है, ‘‘यह काम करने के लिये पूरी तरह स्वतंत्र नहीं है, और यही वजह है कि समय समय पर यह लिखा जाता है कि .. सीबीआई सरकार की कठपुतली बन गई है। सीवीसी को देखिए, इस संस्था का खौफ है पर यह बदनाम भी है.. यह एक सांविधिक निकाय तो है, लेकिन इसे संवैधानिक दर्जा नहीं मिला है।’’ भ्रष्टाचार के बारे में राय ने कहा इसे केवल लोकपाल कानून बनाकर ही समाप्त नहीं किया जा सकता।टिप्पणियां हालांकि, उन्होंने कहा ‘‘.. यदि हम इसके प्रति वास्तव में सचेत हैं तो देश में सांठगाठ और भाई भतीजावाद कम करके काफी हद तक भ्रष्टाचार पर लगाम लगा सकते हैं।’’ कैग के आकलनों को लेकर सरकार तथा संबंधित एजेंसियों की तरफ से सवाल उठाए जाने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘कोई भी तथ्यों को लेकर हमें गलत साबित नहीं कर सकता..आंकड़े को लेकर बहस हो सकती है..अगर यह 1.76 लाख करोड़ रुपये नहीं है तो 1.6 लाख करोड़ रुपये या 2.6 लाख करोड़ रुपये हो सकता है।’’ उल्लेखनीय है कैग स्वयं में एक संवैधानिक संस्था है और हाल में इसने 2-जी स्पेक्ट्रम आवंटन, कोल ब्लॉक आवंटन, राष्ट्रमंडल खेल आयोजन में भ्रष्टाचार से जुड़े कई मामलों को उजागर किया है। कैग की इन रिपोर्टों पर सरकार की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया हुई। 2जी स्पेक्ट्रम मामले में कैग ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी खजाने को जहां 1.76 लाख करोड़ रुपये का संभावित नुकसान होने का अनुमान जताया वहीं कोयला खानों के आवंटन के मामले में 1.86 लाख करोड़ रुपये के नुकसान की बात कही। विनोद राय ने कहा कि सीबीआई और सीवीसी स्वतंत्र निकाय नहीं है इसीलिए समय समय पर लोग इन्हें सरकार के हाथ की कठपुतली बताते रहते हैं। उन्होंने कहा ‘‘यदि आप चाहते हैं कि लोकपाल पूरी स्वायत्तता और स्वतंत्रता के साथ काम करे तो आपको उसे संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ राय ने कहा कि जहां तक सीबीआई की बात है, ‘‘यह काम करने के लिये पूरी तरह स्वतंत्र नहीं है, और यही वजह है कि समय समय पर यह लिखा जाता है कि .. सीबीआई सरकार की कठपुतली बन गई है। सीवीसी को देखिए, इस संस्था का खौफ है पर यह बदनाम भी है.. यह एक सांविधिक निकाय तो है, लेकिन इसे संवैधानिक दर्जा नहीं मिला है।’’ भ्रष्टाचार के बारे में राय ने कहा इसे केवल लोकपाल कानून बनाकर ही समाप्त नहीं किया जा सकता।टिप्पणियां हालांकि, उन्होंने कहा ‘‘.. यदि हम इसके प्रति वास्तव में सचेत हैं तो देश में सांठगाठ और भाई भतीजावाद कम करके काफी हद तक भ्रष्टाचार पर लगाम लगा सकते हैं।’’ कैग के आकलनों को लेकर सरकार तथा संबंधित एजेंसियों की तरफ से सवाल उठाए जाने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘कोई भी तथ्यों को लेकर हमें गलत साबित नहीं कर सकता..आंकड़े को लेकर बहस हो सकती है..अगर यह 1.76 लाख करोड़ रुपये नहीं है तो 1.6 लाख करोड़ रुपये या 2.6 लाख करोड़ रुपये हो सकता है।’’ उल्लेखनीय है कैग स्वयं में एक संवैधानिक संस्था है और हाल में इसने 2-जी स्पेक्ट्रम आवंटन, कोल ब्लॉक आवंटन, राष्ट्रमंडल खेल आयोजन में भ्रष्टाचार से जुड़े कई मामलों को उजागर किया है। कैग की इन रिपोर्टों पर सरकार की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया हुई। 2जी स्पेक्ट्रम मामले में कैग ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी खजाने को जहां 1.76 लाख करोड़ रुपये का संभावित नुकसान होने का अनुमान जताया वहीं कोयला खानों के आवंटन के मामले में 1.86 लाख करोड़ रुपये के नुकसान की बात कही। राय ने कहा कि जहां तक सीबीआई की बात है, ‘‘यह काम करने के लिये पूरी तरह स्वतंत्र नहीं है, और यही वजह है कि समय समय पर यह लिखा जाता है कि .. सीबीआई सरकार की कठपुतली बन गई है। सीवीसी को देखिए, इस संस्था का खौफ है पर यह बदनाम भी है.. यह एक सांविधिक निकाय तो है, लेकिन इसे संवैधानिक दर्जा नहीं मिला है।’’ भ्रष्टाचार के बारे में राय ने कहा इसे केवल लोकपाल कानून बनाकर ही समाप्त नहीं किया जा सकता।टिप्पणियां हालांकि, उन्होंने कहा ‘‘.. यदि हम इसके प्रति वास्तव में सचेत हैं तो देश में सांठगाठ और भाई भतीजावाद कम करके काफी हद तक भ्रष्टाचार पर लगाम लगा सकते हैं।’’ कैग के आकलनों को लेकर सरकार तथा संबंधित एजेंसियों की तरफ से सवाल उठाए जाने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘कोई भी तथ्यों को लेकर हमें गलत साबित नहीं कर सकता..आंकड़े को लेकर बहस हो सकती है..अगर यह 1.76 लाख करोड़ रुपये नहीं है तो 1.6 लाख करोड़ रुपये या 2.6 लाख करोड़ रुपये हो सकता है।’’ उल्लेखनीय है कैग स्वयं में एक संवैधानिक संस्था है और हाल में इसने 2-जी स्पेक्ट्रम आवंटन, कोल ब्लॉक आवंटन, राष्ट्रमंडल खेल आयोजन में भ्रष्टाचार से जुड़े कई मामलों को उजागर किया है। कैग की इन रिपोर्टों पर सरकार की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया हुई। 2जी स्पेक्ट्रम मामले में कैग ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी खजाने को जहां 1.76 लाख करोड़ रुपये का संभावित नुकसान होने का अनुमान जताया वहीं कोयला खानों के आवंटन के मामले में 1.86 लाख करोड़ रुपये के नुकसान की बात कही। हालांकि, उन्होंने कहा ‘‘.. यदि हम इसके प्रति वास्तव में सचेत हैं तो देश में सांठगाठ और भाई भतीजावाद कम करके काफी हद तक भ्रष्टाचार पर लगाम लगा सकते हैं।’’ कैग के आकलनों को लेकर सरकार तथा संबंधित एजेंसियों की तरफ से सवाल उठाए जाने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘कोई भी तथ्यों को लेकर हमें गलत साबित नहीं कर सकता..आंकड़े को लेकर बहस हो सकती है..अगर यह 1.76 लाख करोड़ रुपये नहीं है तो 1.6 लाख करोड़ रुपये या 2.6 लाख करोड़ रुपये हो सकता है।’’ उल्लेखनीय है कैग स्वयं में एक संवैधानिक संस्था है और हाल में इसने 2-जी स्पेक्ट्रम आवंटन, कोल ब्लॉक आवंटन, राष्ट्रमंडल खेल आयोजन में भ्रष्टाचार से जुड़े कई मामलों को उजागर किया है। कैग की इन रिपोर्टों पर सरकार की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया हुई। 2जी स्पेक्ट्रम मामले में कैग ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी खजाने को जहां 1.76 लाख करोड़ रुपये का संभावित नुकसान होने का अनुमान जताया वहीं कोयला खानों के आवंटन के मामले में 1.86 लाख करोड़ रुपये के नुकसान की बात कही। उल्लेखनीय है कैग स्वयं में एक संवैधानिक संस्था है और हाल में इसने 2-जी स्पेक्ट्रम आवंटन, कोल ब्लॉक आवंटन, राष्ट्रमंडल खेल आयोजन में भ्रष्टाचार से जुड़े कई मामलों को उजागर किया है। कैग की इन रिपोर्टों पर सरकार की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया हुई। 2जी स्पेक्ट्रम मामले में कैग ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी खजाने को जहां 1.76 लाख करोड़ रुपये का संभावित नुकसान होने का अनुमान जताया वहीं कोयला खानों के आवंटन के मामले में 1.86 लाख करोड़ रुपये के नुकसान की बात कही।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: सीएजी विनोद राय ने विश्व व्यापार मंच के एक सत्र में कहा ‘‘सरकार जिस ढिठाई से निर्णय ले रही है वह अचंभित करने वाला है।’’
19
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पूंजी बाजार नियामक सेबी की जांच के दायरे में एक अजीबोगरीब निवेश योजना आई है। इस योजना के तहत जनता से करोड़ों रुपये की पूंजी जुटाकर उससे पशुओं की खरीद करके घी का उत्पादन कर दोगुना रिटर्न देने का वादा किया गया। बाजार नियामक सेबी को मिली ताजा वित्तीय जानकारी के मुताबिक, ‘पशु एवं घी’ नाम की इस स्कीम के तहत 31 मार्च, 2011 तक कुल 745 करोड़ रुपये जुटाए गए और आशंका है कि इसके बाद इस स्कीम से और धन जुटाए गए होंगे। सेबी ने निवेशकों से मिली शिकायत के बाद इस मामले की जांच शुरू कर दी है, लेकिन यह स्कीम चला रही कंपनी एचबीएन डेयरीज एंड अलायड लि. के कई निदेशकों को भेजे गए कारण बताओ नोटिस महीनों बाद भी अधिकारियों तक पहुंचे ही नहीं। इस मामले में सेबी द्वारा ताजा समन पिछले महीने भेजा गया जिसमें नियामक ने कंपनी निदेशकों को 29 मई को सेबी के समक्ष उपस्थित होने को कहा गया। लेकिन कम से कम तीन निदेशकों को समन की डिलीवरी नहीं की जा सकी। नई दिल्ली स्थित एचबीएन 90 के दशक से डेयरी कारोबार में होने का दावा करती है और हरियाणा के समलखा और गन्नौर में उसके डेयरी फार्म हैं।टिप्पणियां हालांकि, सेबी ने अपने कारण बताओ नोटिस में कहा है कि कंपनी पशुओं की खरीद के नाम पर आम लोगों से धन जुटा रही थी और स्कीम परिपक्व होने पर दोगुना या दोगुने से अधिक धन देने का वादा कर रही थी। कंपनी ने निवेशकों को उनकी निवेश पूंजी पर प्रतिफाल को परिपक्वता के समय पशुओं और घी के दाम से जोड़ने का दावा करते हुए एक महीने में भी पूंजी वापस लेने पर वास्तविक निवेश को सुरक्षित रखने का भी वादा किया है। योजना एक महीने से लेकर नौ साल की अवधि के लिए पेश की गई। बाजार नियामक सेबी को मिली ताजा वित्तीय जानकारी के मुताबिक, ‘पशु एवं घी’ नाम की इस स्कीम के तहत 31 मार्च, 2011 तक कुल 745 करोड़ रुपये जुटाए गए और आशंका है कि इसके बाद इस स्कीम से और धन जुटाए गए होंगे। सेबी ने निवेशकों से मिली शिकायत के बाद इस मामले की जांच शुरू कर दी है, लेकिन यह स्कीम चला रही कंपनी एचबीएन डेयरीज एंड अलायड लि. के कई निदेशकों को भेजे गए कारण बताओ नोटिस महीनों बाद भी अधिकारियों तक पहुंचे ही नहीं। इस मामले में सेबी द्वारा ताजा समन पिछले महीने भेजा गया जिसमें नियामक ने कंपनी निदेशकों को 29 मई को सेबी के समक्ष उपस्थित होने को कहा गया। लेकिन कम से कम तीन निदेशकों को समन की डिलीवरी नहीं की जा सकी। नई दिल्ली स्थित एचबीएन 90 के दशक से डेयरी कारोबार में होने का दावा करती है और हरियाणा के समलखा और गन्नौर में उसके डेयरी फार्म हैं।टिप्पणियां हालांकि, सेबी ने अपने कारण बताओ नोटिस में कहा है कि कंपनी पशुओं की खरीद के नाम पर आम लोगों से धन जुटा रही थी और स्कीम परिपक्व होने पर दोगुना या दोगुने से अधिक धन देने का वादा कर रही थी। कंपनी ने निवेशकों को उनकी निवेश पूंजी पर प्रतिफाल को परिपक्वता के समय पशुओं और घी के दाम से जोड़ने का दावा करते हुए एक महीने में भी पूंजी वापस लेने पर वास्तविक निवेश को सुरक्षित रखने का भी वादा किया है। योजना एक महीने से लेकर नौ साल की अवधि के लिए पेश की गई। सेबी ने निवेशकों से मिली शिकायत के बाद इस मामले की जांच शुरू कर दी है, लेकिन यह स्कीम चला रही कंपनी एचबीएन डेयरीज एंड अलायड लि. के कई निदेशकों को भेजे गए कारण बताओ नोटिस महीनों बाद भी अधिकारियों तक पहुंचे ही नहीं। इस मामले में सेबी द्वारा ताजा समन पिछले महीने भेजा गया जिसमें नियामक ने कंपनी निदेशकों को 29 मई को सेबी के समक्ष उपस्थित होने को कहा गया। लेकिन कम से कम तीन निदेशकों को समन की डिलीवरी नहीं की जा सकी। नई दिल्ली स्थित एचबीएन 90 के दशक से डेयरी कारोबार में होने का दावा करती है और हरियाणा के समलखा और गन्नौर में उसके डेयरी फार्म हैं।टिप्पणियां हालांकि, सेबी ने अपने कारण बताओ नोटिस में कहा है कि कंपनी पशुओं की खरीद के नाम पर आम लोगों से धन जुटा रही थी और स्कीम परिपक्व होने पर दोगुना या दोगुने से अधिक धन देने का वादा कर रही थी। कंपनी ने निवेशकों को उनकी निवेश पूंजी पर प्रतिफाल को परिपक्वता के समय पशुओं और घी के दाम से जोड़ने का दावा करते हुए एक महीने में भी पूंजी वापस लेने पर वास्तविक निवेश को सुरक्षित रखने का भी वादा किया है। योजना एक महीने से लेकर नौ साल की अवधि के लिए पेश की गई। इस मामले में सेबी द्वारा ताजा समन पिछले महीने भेजा गया जिसमें नियामक ने कंपनी निदेशकों को 29 मई को सेबी के समक्ष उपस्थित होने को कहा गया। लेकिन कम से कम तीन निदेशकों को समन की डिलीवरी नहीं की जा सकी। नई दिल्ली स्थित एचबीएन 90 के दशक से डेयरी कारोबार में होने का दावा करती है और हरियाणा के समलखा और गन्नौर में उसके डेयरी फार्म हैं।टिप्पणियां हालांकि, सेबी ने अपने कारण बताओ नोटिस में कहा है कि कंपनी पशुओं की खरीद के नाम पर आम लोगों से धन जुटा रही थी और स्कीम परिपक्व होने पर दोगुना या दोगुने से अधिक धन देने का वादा कर रही थी। कंपनी ने निवेशकों को उनकी निवेश पूंजी पर प्रतिफाल को परिपक्वता के समय पशुओं और घी के दाम से जोड़ने का दावा करते हुए एक महीने में भी पूंजी वापस लेने पर वास्तविक निवेश को सुरक्षित रखने का भी वादा किया है। योजना एक महीने से लेकर नौ साल की अवधि के लिए पेश की गई। नई दिल्ली स्थित एचबीएन 90 के दशक से डेयरी कारोबार में होने का दावा करती है और हरियाणा के समलखा और गन्नौर में उसके डेयरी फार्म हैं।टिप्पणियां हालांकि, सेबी ने अपने कारण बताओ नोटिस में कहा है कि कंपनी पशुओं की खरीद के नाम पर आम लोगों से धन जुटा रही थी और स्कीम परिपक्व होने पर दोगुना या दोगुने से अधिक धन देने का वादा कर रही थी। कंपनी ने निवेशकों को उनकी निवेश पूंजी पर प्रतिफाल को परिपक्वता के समय पशुओं और घी के दाम से जोड़ने का दावा करते हुए एक महीने में भी पूंजी वापस लेने पर वास्तविक निवेश को सुरक्षित रखने का भी वादा किया है। योजना एक महीने से लेकर नौ साल की अवधि के लिए पेश की गई। हालांकि, सेबी ने अपने कारण बताओ नोटिस में कहा है कि कंपनी पशुओं की खरीद के नाम पर आम लोगों से धन जुटा रही थी और स्कीम परिपक्व होने पर दोगुना या दोगुने से अधिक धन देने का वादा कर रही थी। कंपनी ने निवेशकों को उनकी निवेश पूंजी पर प्रतिफाल को परिपक्वता के समय पशुओं और घी के दाम से जोड़ने का दावा करते हुए एक महीने में भी पूंजी वापस लेने पर वास्तविक निवेश को सुरक्षित रखने का भी वादा किया है। योजना एक महीने से लेकर नौ साल की अवधि के लिए पेश की गई। कंपनी ने निवेशकों को उनकी निवेश पूंजी पर प्रतिफाल को परिपक्वता के समय पशुओं और घी के दाम से जोड़ने का दावा करते हुए एक महीने में भी पूंजी वापस लेने पर वास्तविक निवेश को सुरक्षित रखने का भी वादा किया है। योजना एक महीने से लेकर नौ साल की अवधि के लिए पेश की गई।
पूंजी बाजार नियामक सेबी की जांच के दायरे में एक अजीबोगरीब निवेश योजना आई है। इस योजना के तहत जनता से करोड़ों रुपये की पूंजी जुटाकर उससे पशुओं की खरीद करके घी का उत्पादन कर दोगुना रिटर्न देने का वादा किया गया।
28
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: रिपब्लिकन उम्मीदवार मिट रोमनी ने चुनाव में अपनी हार को स्वीकार करते हुए राष्ट्रपति बराक ओबामा को दूसरे कार्यकाल के लिए शुभकामना दी है। टीवी चैनलों पर ओबामा की जीत का ऐलान होने के बाद 65 साल के रोमनी ने अपने समर्थकों से कहा, मैंने अभी ओबामा, उनके प्रचार अभियान तथा समर्थकों को बधाई देने के लिए राष्ट्रपति को फोन किया। मैंने उन्हें, उनकी पत्नी और बेटियों को शुभकामनाएं दी हैं। हार के बाद भी चेहरे पर मुस्कान बिखेरते हुए रोमनी ने कहा, यह बड़ी चुनौतियों का समय है। मैं प्रार्थना करता हूं कि राष्ट्रपति ओबामा हमारे देश को नेतृत्व देने में सफल होंगे। अमेरिकी अर्थव्यवस्था में फिर से स्थायित्व आने की उम्मीद करते हुए रोमनी ने कहा कि उन्होंने पूरी ईमानदारी के साथ ओबामा और देश के लिए प्रार्थना की है।टिप्पणियां उन्होंने कहा, इस निर्णायक समय पर हम राजनीतिक दिखावेपन का जोखिम मोल नहीं ले सकते। हार को लेकर अपनी भावनाओं को छिपाने का प्रयास करते हुए रोमनी ने समर्थकों से कहा, सब कुछ सामने है। हमने इस प्रचार अभियान में पूरा प्रयास किया था। उन्होंने कहा, ऐसे में मैं कामना करता हूं कि आपकी उम्मीदों को पूरा कर पाता, लेकिन देश ने दूसरे नेता पर विश्वास जताया है। मैं उनके और देश के लिए पूरी ईमानदारी से प्रार्थना करता हूं। उन्होंने शानदार प्रचार अभियान के लिए अपने समर्थकों का तहेदिल से शुक्रिया अदा किया। टीवी चैनलों पर ओबामा की जीत का ऐलान होने के बाद 65 साल के रोमनी ने अपने समर्थकों से कहा, मैंने अभी ओबामा, उनके प्रचार अभियान तथा समर्थकों को बधाई देने के लिए राष्ट्रपति को फोन किया। मैंने उन्हें, उनकी पत्नी और बेटियों को शुभकामनाएं दी हैं। हार के बाद भी चेहरे पर मुस्कान बिखेरते हुए रोमनी ने कहा, यह बड़ी चुनौतियों का समय है। मैं प्रार्थना करता हूं कि राष्ट्रपति ओबामा हमारे देश को नेतृत्व देने में सफल होंगे। अमेरिकी अर्थव्यवस्था में फिर से स्थायित्व आने की उम्मीद करते हुए रोमनी ने कहा कि उन्होंने पूरी ईमानदारी के साथ ओबामा और देश के लिए प्रार्थना की है।टिप्पणियां उन्होंने कहा, इस निर्णायक समय पर हम राजनीतिक दिखावेपन का जोखिम मोल नहीं ले सकते। हार को लेकर अपनी भावनाओं को छिपाने का प्रयास करते हुए रोमनी ने समर्थकों से कहा, सब कुछ सामने है। हमने इस प्रचार अभियान में पूरा प्रयास किया था। उन्होंने कहा, ऐसे में मैं कामना करता हूं कि आपकी उम्मीदों को पूरा कर पाता, लेकिन देश ने दूसरे नेता पर विश्वास जताया है। मैं उनके और देश के लिए पूरी ईमानदारी से प्रार्थना करता हूं। उन्होंने शानदार प्रचार अभियान के लिए अपने समर्थकों का तहेदिल से शुक्रिया अदा किया। हार के बाद भी चेहरे पर मुस्कान बिखेरते हुए रोमनी ने कहा, यह बड़ी चुनौतियों का समय है। मैं प्रार्थना करता हूं कि राष्ट्रपति ओबामा हमारे देश को नेतृत्व देने में सफल होंगे। अमेरिकी अर्थव्यवस्था में फिर से स्थायित्व आने की उम्मीद करते हुए रोमनी ने कहा कि उन्होंने पूरी ईमानदारी के साथ ओबामा और देश के लिए प्रार्थना की है।टिप्पणियां उन्होंने कहा, इस निर्णायक समय पर हम राजनीतिक दिखावेपन का जोखिम मोल नहीं ले सकते। हार को लेकर अपनी भावनाओं को छिपाने का प्रयास करते हुए रोमनी ने समर्थकों से कहा, सब कुछ सामने है। हमने इस प्रचार अभियान में पूरा प्रयास किया था। उन्होंने कहा, ऐसे में मैं कामना करता हूं कि आपकी उम्मीदों को पूरा कर पाता, लेकिन देश ने दूसरे नेता पर विश्वास जताया है। मैं उनके और देश के लिए पूरी ईमानदारी से प्रार्थना करता हूं। उन्होंने शानदार प्रचार अभियान के लिए अपने समर्थकों का तहेदिल से शुक्रिया अदा किया। उन्होंने कहा, इस निर्णायक समय पर हम राजनीतिक दिखावेपन का जोखिम मोल नहीं ले सकते। हार को लेकर अपनी भावनाओं को छिपाने का प्रयास करते हुए रोमनी ने समर्थकों से कहा, सब कुछ सामने है। हमने इस प्रचार अभियान में पूरा प्रयास किया था। उन्होंने कहा, ऐसे में मैं कामना करता हूं कि आपकी उम्मीदों को पूरा कर पाता, लेकिन देश ने दूसरे नेता पर विश्वास जताया है। मैं उनके और देश के लिए पूरी ईमानदारी से प्रार्थना करता हूं। उन्होंने शानदार प्रचार अभियान के लिए अपने समर्थकों का तहेदिल से शुक्रिया अदा किया। उन्होंने कहा, ऐसे में मैं कामना करता हूं कि आपकी उम्मीदों को पूरा कर पाता, लेकिन देश ने दूसरे नेता पर विश्वास जताया है। मैं उनके और देश के लिए पूरी ईमानदारी से प्रार्थना करता हूं। उन्होंने शानदार प्रचार अभियान के लिए अपने समर्थकों का तहेदिल से शुक्रिया अदा किया।
यह एक सारांश है: ओबामा की जीत का ऐलान होने के बाद 65 साल के रोमनी ने राष्ट्रपति को फोन किया और उन्हें, उनकी पत्नी और बेटियों को शुभकामनाएं दीं।
9
['hin']
एक सारांश बनाओ: ईरान ने तेहरान में हिरासत में बंद चार अमेरिकियों को रिहा कर दिया और इसके साथ ही अमेरिका ने गोपनीय तरीके से एक विमान से ईरान को ‘40 करोड़ डॉलर’की नकदी भेजी. ‘द वॉल स्ट्रीट जनरल’ अखबार की खबर के अनुसार अमेरिका और ईरान के बीच हथियारों के एक नाकाम सौदे से जुड़े दशकों पुराने विवाद के हल के लिए हुए 1.7 अरब डॉलर के समझौते की यह पहली किश्त है. अमेरिकी विदेश विभाग ने समझौता राशि और ईरान द्वारा चार अमेरिकी कैदियों की रिहाई के बीच किसी भी तरह के संबंध की बात को पूरी तरह खारिज किया है. विदेश विभाग के प्रवक्ता जॉन किर्बी ने कहा, ‘जैसा कि हमने साफ कर दिया है, समझौते की राशि से जुड़ी बातचीत का हमारे अमेरिकी नागरिकों के घर लौटने की चर्चाओं से कुछ लेना देना नहीं है.’टिप्पणियां उन्होंने कहा कि न केवल दोनों को लेकर अलग-अलग बातचीत हुई बल्कि दोनों देशों की अलग-अलग टीमों ने ये बातचीत की. खबर में कहा गया कि ईरान के आखिरी शासक शाह मोहम्मद रजा पहलवी के पतन से पहले 1979 में दोनों देशों के बीच हथियारों की खरीद को लेकर एक समझौता हुआ था जो मूर्त रूप नहीं ले सका. इसे लेकर अमेरिका और ईरान के बीच दशकों से विवाद चल रहा था. ओबामा प्रशासन ने विवाद के निपटान के लिए ईरान को 1.7 अरब डॉलर के भुगतान का समझौता किया है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) ‘द वॉल स्ट्रीट जनरल’ अखबार की खबर के अनुसार अमेरिका और ईरान के बीच हथियारों के एक नाकाम सौदे से जुड़े दशकों पुराने विवाद के हल के लिए हुए 1.7 अरब डॉलर के समझौते की यह पहली किश्त है. अमेरिकी विदेश विभाग ने समझौता राशि और ईरान द्वारा चार अमेरिकी कैदियों की रिहाई के बीच किसी भी तरह के संबंध की बात को पूरी तरह खारिज किया है. विदेश विभाग के प्रवक्ता जॉन किर्बी ने कहा, ‘जैसा कि हमने साफ कर दिया है, समझौते की राशि से जुड़ी बातचीत का हमारे अमेरिकी नागरिकों के घर लौटने की चर्चाओं से कुछ लेना देना नहीं है.’टिप्पणियां उन्होंने कहा कि न केवल दोनों को लेकर अलग-अलग बातचीत हुई बल्कि दोनों देशों की अलग-अलग टीमों ने ये बातचीत की. खबर में कहा गया कि ईरान के आखिरी शासक शाह मोहम्मद रजा पहलवी के पतन से पहले 1979 में दोनों देशों के बीच हथियारों की खरीद को लेकर एक समझौता हुआ था जो मूर्त रूप नहीं ले सका. इसे लेकर अमेरिका और ईरान के बीच दशकों से विवाद चल रहा था. ओबामा प्रशासन ने विवाद के निपटान के लिए ईरान को 1.7 अरब डॉलर के भुगतान का समझौता किया है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) अमेरिकी विदेश विभाग ने समझौता राशि और ईरान द्वारा चार अमेरिकी कैदियों की रिहाई के बीच किसी भी तरह के संबंध की बात को पूरी तरह खारिज किया है. विदेश विभाग के प्रवक्ता जॉन किर्बी ने कहा, ‘जैसा कि हमने साफ कर दिया है, समझौते की राशि से जुड़ी बातचीत का हमारे अमेरिकी नागरिकों के घर लौटने की चर्चाओं से कुछ लेना देना नहीं है.’टिप्पणियां उन्होंने कहा कि न केवल दोनों को लेकर अलग-अलग बातचीत हुई बल्कि दोनों देशों की अलग-अलग टीमों ने ये बातचीत की. खबर में कहा गया कि ईरान के आखिरी शासक शाह मोहम्मद रजा पहलवी के पतन से पहले 1979 में दोनों देशों के बीच हथियारों की खरीद को लेकर एक समझौता हुआ था जो मूर्त रूप नहीं ले सका. इसे लेकर अमेरिका और ईरान के बीच दशकों से विवाद चल रहा था. ओबामा प्रशासन ने विवाद के निपटान के लिए ईरान को 1.7 अरब डॉलर के भुगतान का समझौता किया है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) उन्होंने कहा कि न केवल दोनों को लेकर अलग-अलग बातचीत हुई बल्कि दोनों देशों की अलग-अलग टीमों ने ये बातचीत की. खबर में कहा गया कि ईरान के आखिरी शासक शाह मोहम्मद रजा पहलवी के पतन से पहले 1979 में दोनों देशों के बीच हथियारों की खरीद को लेकर एक समझौता हुआ था जो मूर्त रूप नहीं ले सका. इसे लेकर अमेरिका और ईरान के बीच दशकों से विवाद चल रहा था. ओबामा प्रशासन ने विवाद के निपटान के लिए ईरान को 1.7 अरब डॉलर के भुगतान का समझौता किया है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
संक्षिप्त पाठ: ‘द वॉल स्ट्रीट जनरल’अखबार की रिपोर्ट में किया गया दावा अमेरिकी विदेश विभाग ने राशि देने और रिहाई में संबंध की बात नकारी कहा-दोनों मसलों पर अलग-अलग बात हुई, अलग-अलग टीम ने की चर्चा
30
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: साथ ही मायावती ने कहा, 'देश की आजादी के बाद बीजेपी और कांग्रेस की सरकार के राज में जमकर भ्रष्टाचार हुआ. किसान, गरीब, दलित व अन्य पिछड़े वर्ग का सही से विकास नहीं हुआ, जिससे दुखी होकर ही हमें इनके हितों के लिए पार्टी बनानी पड़ी थी. आज देश में किसान, दलित और पिछड़ा वर्ग के लोग सबसे ज्यादा दुखी है. इसकी एक वजह केंद्र सरकार है. यही वजह है कि अब आम जनता बीजेपी को सत्ता से हटाने का मन बना चुकी है. इसकी एक बानगी एमपी, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में देखने को मिली. बीजेपी को समझ लेना चाहिए कि झूठे वादे और जुमलेबाजी से किसान व दलित विरोधी सरकार की दाल ज्यादा दिन तक गलने वाली नहीं है. यही वजह है कि कांग्रेस की तीन राज्यों में बनी सरकार पर भी सवाल खड़े होने लगे हैं. चाहे बात किसान के कर्ज माफी की हो या फिर दलितों को फायदा देने की सरकार पर सवाल पूछे जाने लगे हैं.' इसके अलावा उन्होंने कहा, 'थोड़ा सा कर्जा माफ करने से किसानों को कोई राहत नहीं मिलेगी. किसानों के पूरे कर्ज को माफ किया जाना चाहिए. ऐसा करके ही हम किसानों की मदद कर पाएंगे. किसानों के हितों को लेकर हमारी पार्टी का यह भी कहना है कि हम देश में किसान, दलित और पिछड़ों की समस्या का संतोषजनक समाधान निकालने की स्थिति में हैं.' भाजपा पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, 'बीजेपी सरकार के नोटबंदी के फैसले से पिछड़ों, दलितों और मुसलमानों की स्थिति बहुत खराब हुई है. नोटबंदी का फैसला छोटे उद्योगों के लिए भी हानिकारक रहा है. बीजेपी सरकार सिर्फ बड़े उद्योगपतियों के लिए ही काम कर रही है. बीजेपी सिर्फ बड़े उद्योगपतियों का ही कर्ज माफ करने में रुचि दिखाती है. रक्षा सौदों के संबंध में हमारी पार्टी का कहना है कि केंद्र सरकार अपनी सहयोगी पार्टी के साथ-साथ विपक्षी पार्टियों को भी विश्वास में लेकर ही कोई बड़ा फैसला ले. रक्षा खरीदों में भ्रष्टाचार जैसी चीजों को खत्म किया जाए.'
मायावती ने कहा- गठबंधन से उड़ी भाजपा की नींद कांग्रेस पर भी मायावती ने साधा निशाना केंद्र सरकार को लिया आड़े हाथ
1
['hin']
एक सारांश बनाओ: अन्तरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त संगीतकार जुबिन मेहता ने रविवार को कहा कि अगर घाटी के लोग चाहें तो उन्हें कश्मीर में एक और कंसर्ट के लिए वापस आने में खुशी होगी। डल झील के किनारे शालीमार बाग में शनिवार को अपने संगीत से कश्मीर के लोगों को मंत्रमुग्ध करने वाले मेहता ने कहा, ‘‘अगर मुझे बुलाया जाए, अगर कश्मीर मुझे चाहता है, मैं वापस आऊंगा।’’ इलेक्ट्रोनिक मीडिया के साथ कई मुलाकात में मेहता ने कहा कि एहसास-ए-कश्मीर कार्यक्रम उनकी उम्मीदों से कहीं अधिक सफल रहा। उन्होंने कहा, ‘‘यह (उम्मीद से) कहीं ज्यादा था। यह एक ऐसा मौका बन गया, जिसपर हमें गर्व होगा। हमें वापस आने दो (अगली बार) शायद हम कुछ अलग कर सकें।’’ पश्चिमी शास्त्रीय संगीत की कुछ बेहद लोकप्रिय धुनें बजाने वाले महान संगीतकार ने अपने आलोचकों और विरोधियों की तरफ पेशकदमी करते हुए कहा कि वह उनके दोस्त हैं। मेहता ने कट्टरपंथी हुर्रियत कांफ्रेंस के नेता का जिक्र करते हुए कहा, ‘‘गिलानी साहब हम तो आपके दोस्त हैं। आप इसपर भरोसा नहीं करते। मैं चाहता हूं कि हमारे विरोधी यहां आए होते और संगीत का मजा लेते।’’ टिप्पणियां उन्होंने कहा, ‘‘मैं सिर्फ पारसी नहीं हूं, मैं एक कश्मीरी भी हूं।’’ मेहता ने कहा कि वह और उनका आर्केस्ट्रा राजनीति में नहीं है और उनका प्रयास है कि संगीत के माध्यम से कश्मीर के जख्मों पर मरहम लगाया जाए। उन्होंने कहा, ‘‘हम राजनीतिक नहीं हैं। हम सीमाएं तो नहीं बदल सकते, लेकिन मरहम तो लगा सकते हैं। राजनीतिकों ने 60 वर्ष तक कोशिश की। मुझे नहीं लगता कि उन्हें ज्यादा कुछ मिला। आइए दूसरा रास्ता पकड़ें, एक आध्यात्मिक रास्ता और मुझे लगता है कि कल उस प्रक्रिया की शुरुआत हुई है क्योंकि हिंदु और मुसलमान पूरी अपनाइयत से एक साथ बैठे थे। मरहम और अपनाइयत दो महत्वपूर्ण चीजें हैं, जिनके लिए हम तरस रहे हैं।’’ डल झील के किनारे शालीमार बाग में शनिवार को अपने संगीत से कश्मीर के लोगों को मंत्रमुग्ध करने वाले मेहता ने कहा, ‘‘अगर मुझे बुलाया जाए, अगर कश्मीर मुझे चाहता है, मैं वापस आऊंगा।’’ इलेक्ट्रोनिक मीडिया के साथ कई मुलाकात में मेहता ने कहा कि एहसास-ए-कश्मीर कार्यक्रम उनकी उम्मीदों से कहीं अधिक सफल रहा। उन्होंने कहा, ‘‘यह (उम्मीद से) कहीं ज्यादा था। यह एक ऐसा मौका बन गया, जिसपर हमें गर्व होगा। हमें वापस आने दो (अगली बार) शायद हम कुछ अलग कर सकें।’’ पश्चिमी शास्त्रीय संगीत की कुछ बेहद लोकप्रिय धुनें बजाने वाले महान संगीतकार ने अपने आलोचकों और विरोधियों की तरफ पेशकदमी करते हुए कहा कि वह उनके दोस्त हैं। मेहता ने कट्टरपंथी हुर्रियत कांफ्रेंस के नेता का जिक्र करते हुए कहा, ‘‘गिलानी साहब हम तो आपके दोस्त हैं। आप इसपर भरोसा नहीं करते। मैं चाहता हूं कि हमारे विरोधी यहां आए होते और संगीत का मजा लेते।’’ टिप्पणियां उन्होंने कहा, ‘‘मैं सिर्फ पारसी नहीं हूं, मैं एक कश्मीरी भी हूं।’’ मेहता ने कहा कि वह और उनका आर्केस्ट्रा राजनीति में नहीं है और उनका प्रयास है कि संगीत के माध्यम से कश्मीर के जख्मों पर मरहम लगाया जाए। उन्होंने कहा, ‘‘हम राजनीतिक नहीं हैं। हम सीमाएं तो नहीं बदल सकते, लेकिन मरहम तो लगा सकते हैं। राजनीतिकों ने 60 वर्ष तक कोशिश की। मुझे नहीं लगता कि उन्हें ज्यादा कुछ मिला। आइए दूसरा रास्ता पकड़ें, एक आध्यात्मिक रास्ता और मुझे लगता है कि कल उस प्रक्रिया की शुरुआत हुई है क्योंकि हिंदु और मुसलमान पूरी अपनाइयत से एक साथ बैठे थे। मरहम और अपनाइयत दो महत्वपूर्ण चीजें हैं, जिनके लिए हम तरस रहे हैं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘यह (उम्मीद से) कहीं ज्यादा था। यह एक ऐसा मौका बन गया, जिसपर हमें गर्व होगा। हमें वापस आने दो (अगली बार) शायद हम कुछ अलग कर सकें।’’ पश्चिमी शास्त्रीय संगीत की कुछ बेहद लोकप्रिय धुनें बजाने वाले महान संगीतकार ने अपने आलोचकों और विरोधियों की तरफ पेशकदमी करते हुए कहा कि वह उनके दोस्त हैं। मेहता ने कट्टरपंथी हुर्रियत कांफ्रेंस के नेता का जिक्र करते हुए कहा, ‘‘गिलानी साहब हम तो आपके दोस्त हैं। आप इसपर भरोसा नहीं करते। मैं चाहता हूं कि हमारे विरोधी यहां आए होते और संगीत का मजा लेते।’’ टिप्पणियां उन्होंने कहा, ‘‘मैं सिर्फ पारसी नहीं हूं, मैं एक कश्मीरी भी हूं।’’ मेहता ने कहा कि वह और उनका आर्केस्ट्रा राजनीति में नहीं है और उनका प्रयास है कि संगीत के माध्यम से कश्मीर के जख्मों पर मरहम लगाया जाए। उन्होंने कहा, ‘‘हम राजनीतिक नहीं हैं। हम सीमाएं तो नहीं बदल सकते, लेकिन मरहम तो लगा सकते हैं। राजनीतिकों ने 60 वर्ष तक कोशिश की। मुझे नहीं लगता कि उन्हें ज्यादा कुछ मिला। आइए दूसरा रास्ता पकड़ें, एक आध्यात्मिक रास्ता और मुझे लगता है कि कल उस प्रक्रिया की शुरुआत हुई है क्योंकि हिंदु और मुसलमान पूरी अपनाइयत से एक साथ बैठे थे। मरहम और अपनाइयत दो महत्वपूर्ण चीजें हैं, जिनके लिए हम तरस रहे हैं।’’ मेहता ने कट्टरपंथी हुर्रियत कांफ्रेंस के नेता का जिक्र करते हुए कहा, ‘‘गिलानी साहब हम तो आपके दोस्त हैं। आप इसपर भरोसा नहीं करते। मैं चाहता हूं कि हमारे विरोधी यहां आए होते और संगीत का मजा लेते।’’ टिप्पणियां उन्होंने कहा, ‘‘मैं सिर्फ पारसी नहीं हूं, मैं एक कश्मीरी भी हूं।’’ मेहता ने कहा कि वह और उनका आर्केस्ट्रा राजनीति में नहीं है और उनका प्रयास है कि संगीत के माध्यम से कश्मीर के जख्मों पर मरहम लगाया जाए। उन्होंने कहा, ‘‘हम राजनीतिक नहीं हैं। हम सीमाएं तो नहीं बदल सकते, लेकिन मरहम तो लगा सकते हैं। राजनीतिकों ने 60 वर्ष तक कोशिश की। मुझे नहीं लगता कि उन्हें ज्यादा कुछ मिला। आइए दूसरा रास्ता पकड़ें, एक आध्यात्मिक रास्ता और मुझे लगता है कि कल उस प्रक्रिया की शुरुआत हुई है क्योंकि हिंदु और मुसलमान पूरी अपनाइयत से एक साथ बैठे थे। मरहम और अपनाइयत दो महत्वपूर्ण चीजें हैं, जिनके लिए हम तरस रहे हैं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘मैं सिर्फ पारसी नहीं हूं, मैं एक कश्मीरी भी हूं।’’ मेहता ने कहा कि वह और उनका आर्केस्ट्रा राजनीति में नहीं है और उनका प्रयास है कि संगीत के माध्यम से कश्मीर के जख्मों पर मरहम लगाया जाए। उन्होंने कहा, ‘‘हम राजनीतिक नहीं हैं। हम सीमाएं तो नहीं बदल सकते, लेकिन मरहम तो लगा सकते हैं। राजनीतिकों ने 60 वर्ष तक कोशिश की। मुझे नहीं लगता कि उन्हें ज्यादा कुछ मिला। आइए दूसरा रास्ता पकड़ें, एक आध्यात्मिक रास्ता और मुझे लगता है कि कल उस प्रक्रिया की शुरुआत हुई है क्योंकि हिंदु और मुसलमान पूरी अपनाइयत से एक साथ बैठे थे। मरहम और अपनाइयत दो महत्वपूर्ण चीजें हैं, जिनके लिए हम तरस रहे हैं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हम राजनीतिक नहीं हैं। हम सीमाएं तो नहीं बदल सकते, लेकिन मरहम तो लगा सकते हैं। राजनीतिकों ने 60 वर्ष तक कोशिश की। मुझे नहीं लगता कि उन्हें ज्यादा कुछ मिला। आइए दूसरा रास्ता पकड़ें, एक आध्यात्मिक रास्ता और मुझे लगता है कि कल उस प्रक्रिया की शुरुआत हुई है क्योंकि हिंदु और मुसलमान पूरी अपनाइयत से एक साथ बैठे थे। मरहम और अपनाइयत दो महत्वपूर्ण चीजें हैं, जिनके लिए हम तरस रहे हैं।’’
यह एक सारांश है: अन्तरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त संगीतकार जुबिन मेहता ने रविवार को कहा कि अगर घाटी के लोग चाहें तो उन्हें कश्मीर में एक और कंसर्ट के लिए वापस आने में खुशी होगी।
21
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: कर्नाटक विधानसभा में अश्लील तस्वीरें देखे जाने के मामले में जांच कर रही विधानसभा की समिति ने एक पूर्व मंत्री को दोषी पाया है और उनकी ‘निंदा’ की सिफारिश की है जबकि दो अन्य को क्लीन चिट दे दी। समिति ने सदन में मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर रोक लगाने का भी प्रस्ताव दिया है। भाजपा विधायक श्रीशैलप्पा वी बिदारूर की अगुवाई वाली समिति ने सदन के पटल पर रखी गई रिपोर्ट में कहा कि इस बात के प्रथम दृष्टया सबूत हैं कि पूर्व मंत्री लक्ष्मण सावदी ने मोबाइल फोन पर अश्लील वीडियो देखा था जो उनका नहीं था। समिति ने रिपोर्ट में यह भी कहा कि यह ‘गैरइरादतन’ था।टिप्पणियां रिपोर्ट में कहा गया, ‘इस बात के कोई सबूत नहीं है कि पूर्व मंत्री सीसी पाटिल ने मोबाइल पर अश्लील वीडियो देखा था और कृष्णा पालेमर इसे मुहैया कराने के लिए जिम्मेदार थे।’ समिति ने कहा कि सावदी ने मोबाइल फोन पर जो वीडियो दिखा, उसमें और उनके पास के एक पेन ड्राइव में रखे क्लिप में समानता थी। समिति के मुताबिक, हालांकि जब मोबाइल फोन को ऑन किया गया सदस्य सरकार के एक आदेश को भी पढ़ रहे थे और अश्लील वीडियो को देखे जाने की गतिविधि को इरादतन नहीं माना जा सकता। समिति ने सदन में मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर रोक लगाने का भी प्रस्ताव दिया है। भाजपा विधायक श्रीशैलप्पा वी बिदारूर की अगुवाई वाली समिति ने सदन के पटल पर रखी गई रिपोर्ट में कहा कि इस बात के प्रथम दृष्टया सबूत हैं कि पूर्व मंत्री लक्ष्मण सावदी ने मोबाइल फोन पर अश्लील वीडियो देखा था जो उनका नहीं था। समिति ने रिपोर्ट में यह भी कहा कि यह ‘गैरइरादतन’ था।टिप्पणियां रिपोर्ट में कहा गया, ‘इस बात के कोई सबूत नहीं है कि पूर्व मंत्री सीसी पाटिल ने मोबाइल पर अश्लील वीडियो देखा था और कृष्णा पालेमर इसे मुहैया कराने के लिए जिम्मेदार थे।’ समिति ने कहा कि सावदी ने मोबाइल फोन पर जो वीडियो दिखा, उसमें और उनके पास के एक पेन ड्राइव में रखे क्लिप में समानता थी। समिति के मुताबिक, हालांकि जब मोबाइल फोन को ऑन किया गया सदस्य सरकार के एक आदेश को भी पढ़ रहे थे और अश्लील वीडियो को देखे जाने की गतिविधि को इरादतन नहीं माना जा सकता। भाजपा विधायक श्रीशैलप्पा वी बिदारूर की अगुवाई वाली समिति ने सदन के पटल पर रखी गई रिपोर्ट में कहा कि इस बात के प्रथम दृष्टया सबूत हैं कि पूर्व मंत्री लक्ष्मण सावदी ने मोबाइल फोन पर अश्लील वीडियो देखा था जो उनका नहीं था। समिति ने रिपोर्ट में यह भी कहा कि यह ‘गैरइरादतन’ था।टिप्पणियां रिपोर्ट में कहा गया, ‘इस बात के कोई सबूत नहीं है कि पूर्व मंत्री सीसी पाटिल ने मोबाइल पर अश्लील वीडियो देखा था और कृष्णा पालेमर इसे मुहैया कराने के लिए जिम्मेदार थे।’ समिति ने कहा कि सावदी ने मोबाइल फोन पर जो वीडियो दिखा, उसमें और उनके पास के एक पेन ड्राइव में रखे क्लिप में समानता थी। समिति के मुताबिक, हालांकि जब मोबाइल फोन को ऑन किया गया सदस्य सरकार के एक आदेश को भी पढ़ रहे थे और अश्लील वीडियो को देखे जाने की गतिविधि को इरादतन नहीं माना जा सकता। समिति ने रिपोर्ट में यह भी कहा कि यह ‘गैरइरादतन’ था।टिप्पणियां रिपोर्ट में कहा गया, ‘इस बात के कोई सबूत नहीं है कि पूर्व मंत्री सीसी पाटिल ने मोबाइल पर अश्लील वीडियो देखा था और कृष्णा पालेमर इसे मुहैया कराने के लिए जिम्मेदार थे।’ समिति ने कहा कि सावदी ने मोबाइल फोन पर जो वीडियो दिखा, उसमें और उनके पास के एक पेन ड्राइव में रखे क्लिप में समानता थी। समिति के मुताबिक, हालांकि जब मोबाइल फोन को ऑन किया गया सदस्य सरकार के एक आदेश को भी पढ़ रहे थे और अश्लील वीडियो को देखे जाने की गतिविधि को इरादतन नहीं माना जा सकता। रिपोर्ट में कहा गया, ‘इस बात के कोई सबूत नहीं है कि पूर्व मंत्री सीसी पाटिल ने मोबाइल पर अश्लील वीडियो देखा था और कृष्णा पालेमर इसे मुहैया कराने के लिए जिम्मेदार थे।’ समिति ने कहा कि सावदी ने मोबाइल फोन पर जो वीडियो दिखा, उसमें और उनके पास के एक पेन ड्राइव में रखे क्लिप में समानता थी। समिति के मुताबिक, हालांकि जब मोबाइल फोन को ऑन किया गया सदस्य सरकार के एक आदेश को भी पढ़ रहे थे और अश्लील वीडियो को देखे जाने की गतिविधि को इरादतन नहीं माना जा सकता। समिति के मुताबिक, हालांकि जब मोबाइल फोन को ऑन किया गया सदस्य सरकार के एक आदेश को भी पढ़ रहे थे और अश्लील वीडियो को देखे जाने की गतिविधि को इरादतन नहीं माना जा सकता।
यहाँ एक सारांश है:कर्नाटक विधानसभा में अश्लील तस्वीरें देखे जाने के मामले में जांच कर रही विधानसभा की समिति ने एक पूर्व मंत्री को दोषी पाया है और उनकी ‘निंदा’ की सिफारिश की है जबकि दो अन्य को क्लीन चिट दे दी।
12
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: सीबीआई ने वाईएसआर कांग्रेस पार्टी प्रमुख एवं आंध्र प्रदेश के कडप्पा से सांसद वाईएस जगनमोहन रेड्डी के कई परिसरों पर गुरुवार को छापे मारे। आरोप हैं कि जगन की कंपनियों में निवेश उनके पिता व तत्कालीन मुख्यमंत्री वाईएस राजशेखर रेड्डी द्वारा लिए गए पक्ष के एवज में किया गया। सीबीआई ने आंध्र प्रदेश उच्च न्यायालय के निर्देशों पर भारतीय दंड संहिता और भ्रष्टाचार रोकथाम अधिनियम के संबंधित प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया। सीबीआई प्रवक्ता धरिणी मिश्रा ने दिल्ली में कहा कि इस मामले में हैदराबाद, बेंगलुरु, चेन्नई, कोलकाता, राजकोट, दिल्ली और मुंबई में छापे मारे गए हैं। उन्होंने कहा, सीबीआई ने आंध्र प्रदेश उच्च न्यायालय के आदेश पर आंध्र प्रदेश से एक संसद सदस्य और अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। आरोप हैं कि संसद सदस्य के स्वामित्व वाली कंपनियों में निवेशकों ने जो बहुत अधिक निवेश किया वह आंध्र प्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री द्वारा पक्ष लेने के एवज में किया गया था। आंध्र प्रदेश उच्च न्यायालय ने राज्य के कपड़ा मंत्री पी शंकर राव और तेदेपा नेता येरन नायडू की अलग-अलग याचिकाओं पर जगन की कथित अवैध संपत्ति की हाल ही में सीबीआई जांच का आदेश दिया था। आरोप है कि उन्होंने अपने पिता के मुख्यमंत्री काल के दौरान अवैध संपत्ति जमा की। एजेंसी ने एक अलग मामले में राज्य के प्रधान सचिव (गृह) बीपी आचार्य और बिल्डर एमार-एमजीएफ के हैदराबाद स्थित ठिकानों पर भी तलाशी ली।
यह एक सारांश है: सीबीआई ने वाईएसआर कांग्रेस पार्टी प्रमुख एवं आंध्र प्रदेश के कडप्पा से सांसद वाईएस जगनमोहन रेड्डी के कई परिसरों पर गुरुवार को छापे मारे।
9
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: आमिर खान की पिछले साल रिलीज हुई फिल्‍म 'दंगल' का खुमार अभी तक कम नहीं हुआ है. हाल ही में आमिर ने दंगल की सक्‍सेस पार्टी रखी और इस पार्टी में भी आमिर को सीनियर एक्‍ट्रेस रेखा की तरफ से एक ऐसा तोहफा मिला कि उनकी आंखें नम हो गईं. दरअसल, रेखा इस पार्टी में शामिल हुई और उन्‍होंने आमिर को यह फिल्‍म देखने के बाद एक लेटर लिख कर दिया. इस लेटर  में रेखा ने आमिर खान की एक्टिंग और इस फिल्‍म की काफी तारीफ की. खबरें हैं कि इस पार्टी में रेखा का यह लेटर पढ़कर आमिर कुछ ऐसे इमोश्‍नल हुए कि उनकी आंखों से आंसू आ गए.   बॉलीवुड हंगामा ने एक सूत्र के हावले से लिखा, ' आमिर यह लेटर पढ़कर काफी खुश हो गए और उनकी आंखों में आंसू आ गए. आमिर ने कहा कि वह इस लेटर को हमेशा अपने पास रखेंगे, इसलिए नहीं क्‍योंकि इसमें फिल्‍म की तारीफ है बल्कि इसलिए क्‍योंकि यह लेटर उनके दिल में हमेशा एक विशेष स्‍थान रखेगा. इसके माध्‍यम से रेखा पार्टी में आई और उन्‍होंने यह बात जाहिर की कि यह फिल्‍म उनके लिए कितनी स्‍पेशल है.टिप्पणियां आमिर खान की इस फिल्‍म ने बॉक्स ऑफिस कमाई के मामले में इतिहास रच दिया है. उनकी इस फिल्म ने कई रिकॉर्ड तोड़े हैं. पिछले साल 23 दिसंबर को रिलीज हुई यह फिल्‍म अभी भी कई थिएटर्स में लगी हुई है और कमाई कर रही है. आमिर खान द्वारा रखी गई इस सक्‍सेस पार्टी में शाहिद कपूर, मीरा राजपूत से लेकर रणबीर कपूर और जीतेंद्र तक मौजूद थे. इसी पार्टी में रेखा भी पहुंची. मुंबई में रखी इस पार्टी में आमिर खान ने बॉलीवुड में लगभग हर किसी को न्‍योता दिया था और रेखा भी इस पार्टी में अपने चिर-परिचित अंदाज में कांजीवरम साड़ी में पहुंची. आमिर, रेखा को पार्टी के बाद सी ऑफ करने बाहर तक आए.   बता दें कि हरियाणा के पहलवान महावीर सिंह फोगाट और उनकी दो पहलवान बेटियों पर आधारित फिल्म 'दंगल' 400 करोड़ की कमाई की तरफ बढ़ रही है. डायरेक्‍टर नितेश तिवारी के निर्देशन में बनी यह फिल्‍म 2014 के बाद आमिर खान की पहली फिल्‍म थी. दंगल, अब बॉलीवुड में सबसे ज्‍यादा कमाई करने वाली फिल्‍म बन गई है. बॉलीवुड हंगामा ने एक सूत्र के हावले से लिखा, ' आमिर यह लेटर पढ़कर काफी खुश हो गए और उनकी आंखों में आंसू आ गए. आमिर ने कहा कि वह इस लेटर को हमेशा अपने पास रखेंगे, इसलिए नहीं क्‍योंकि इसमें फिल्‍म की तारीफ है बल्कि इसलिए क्‍योंकि यह लेटर उनके दिल में हमेशा एक विशेष स्‍थान रखेगा. इसके माध्‍यम से रेखा पार्टी में आई और उन्‍होंने यह बात जाहिर की कि यह फिल्‍म उनके लिए कितनी स्‍पेशल है.टिप्पणियां आमिर खान की इस फिल्‍म ने बॉक्स ऑफिस कमाई के मामले में इतिहास रच दिया है. उनकी इस फिल्म ने कई रिकॉर्ड तोड़े हैं. पिछले साल 23 दिसंबर को रिलीज हुई यह फिल्‍म अभी भी कई थिएटर्स में लगी हुई है और कमाई कर रही है. आमिर खान द्वारा रखी गई इस सक्‍सेस पार्टी में शाहिद कपूर, मीरा राजपूत से लेकर रणबीर कपूर और जीतेंद्र तक मौजूद थे. इसी पार्टी में रेखा भी पहुंची. मुंबई में रखी इस पार्टी में आमिर खान ने बॉलीवुड में लगभग हर किसी को न्‍योता दिया था और रेखा भी इस पार्टी में अपने चिर-परिचित अंदाज में कांजीवरम साड़ी में पहुंची. आमिर, रेखा को पार्टी के बाद सी ऑफ करने बाहर तक आए.   बता दें कि हरियाणा के पहलवान महावीर सिंह फोगाट और उनकी दो पहलवान बेटियों पर आधारित फिल्म 'दंगल' 400 करोड़ की कमाई की तरफ बढ़ रही है. डायरेक्‍टर नितेश तिवारी के निर्देशन में बनी यह फिल्‍म 2014 के बाद आमिर खान की पहली फिल्‍म थी. दंगल, अब बॉलीवुड में सबसे ज्‍यादा कमाई करने वाली फिल्‍म बन गई है. आमिर खान की इस फिल्‍म ने बॉक्स ऑफिस कमाई के मामले में इतिहास रच दिया है. उनकी इस फिल्म ने कई रिकॉर्ड तोड़े हैं. पिछले साल 23 दिसंबर को रिलीज हुई यह फिल्‍म अभी भी कई थिएटर्स में लगी हुई है और कमाई कर रही है. आमिर खान द्वारा रखी गई इस सक्‍सेस पार्टी में शाहिद कपूर, मीरा राजपूत से लेकर रणबीर कपूर और जीतेंद्र तक मौजूद थे. इसी पार्टी में रेखा भी पहुंची. मुंबई में रखी इस पार्टी में आमिर खान ने बॉलीवुड में लगभग हर किसी को न्‍योता दिया था और रेखा भी इस पार्टी में अपने चिर-परिचित अंदाज में कांजीवरम साड़ी में पहुंची. आमिर, रेखा को पार्टी के बाद सी ऑफ करने बाहर तक आए.   बता दें कि हरियाणा के पहलवान महावीर सिंह फोगाट और उनकी दो पहलवान बेटियों पर आधारित फिल्म 'दंगल' 400 करोड़ की कमाई की तरफ बढ़ रही है. डायरेक्‍टर नितेश तिवारी के निर्देशन में बनी यह फिल्‍म 2014 के बाद आमिर खान की पहली फिल्‍म थी. दंगल, अब बॉलीवुड में सबसे ज्‍यादा कमाई करने वाली फिल्‍म बन गई है. मुंबई में रखी इस पार्टी में आमिर खान ने बॉलीवुड में लगभग हर किसी को न्‍योता दिया था और रेखा भी इस पार्टी में अपने चिर-परिचित अंदाज में कांजीवरम साड़ी में पहुंची. आमिर, रेखा को पार्टी के बाद सी ऑफ करने बाहर तक आए.   बता दें कि हरियाणा के पहलवान महावीर सिंह फोगाट और उनकी दो पहलवान बेटियों पर आधारित फिल्म 'दंगल' 400 करोड़ की कमाई की तरफ बढ़ रही है. डायरेक्‍टर नितेश तिवारी के निर्देशन में बनी यह फिल्‍म 2014 के बाद आमिर खान की पहली फिल्‍म थी. दंगल, अब बॉलीवुड में सबसे ज्‍यादा कमाई करने वाली फिल्‍म बन गई है.
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: आमिर खान ने हाल ही में दी फिल्‍म 'दंगल' की सक्‍सेस पार्टी पार्टी में पहुंची रेखा ने बताया फिल्‍म 'दंगल' को स्‍पेशल 'दंगल' की कमाई का सिलसिला जारी, जल्‍द ही 400 करोड़ पहुंचेगा आंकड़ा
19
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: डॉक्टरों के एक समूह ने 14-वर्षीय पाकिस्तानी लड़की मलाला यूसुफजई की रीढ़ की हड्डी के पास लगी गोली को सफलतापूर्वक निकाल लिया है। तालिबान के अत्याचारों के खिलाफ खुलेआम बोलने के विरोध में प्रतिबंधित संगठन ने उसे गोली मार दी थी। मलाला यूसुफजई के चाचा अहमद शाह ने पेशावर में संवाददाताओं से कहा कि मंगलवार देर रात सेना के अस्पताल में सर्जरी हुई और गोली को सफलतापूर्वक निकाल लिया गया है। उन्होंने कहा कि डॉक्टरों ने मलाला को उपचार के लिए पाकिस्तान के बाहर नहीं ले जाने की सलाह दी है। चिकित्सकों ने कहा कि इस स्थिति में यात्रा करना उसके लिए ठीक नहीं है। उसे पाकिस्तान का पहला राष्ट्रीय शांति युवा पुरस्कार हासिल हुआ था। डॉक्टरों ने कहा कि अगले 10 दिन उसके लिए काफी महत्वपूर्ण हैं। खबर पख्तूनख्वा सरकार के अधिकारियों ने भी कहा कि तीन घंटे के ऑपरेशन के बाद गोली को निकाला गया। मलाला को मंगलवार को तालिबानी आतंकवादियों ने मिंगोरा में स्कूल बस के अंदर दो गोलियां मारी थीं। मिंगोरा इस्लामाबाद से 160 किलोमीटर दूर स्वात घाटी में है। एक गोली उसके सिर में लगी और नीचे की तरफ जाकर उसकी रीढ़ की हड्डी के पास अटक गई।टिप्पणियां तहरीक-ए-तालिबान के प्रवक्ता इहसानुल्ला एहसान ने पत्रकारों को फोन कर हमले की जिम्मेदारी ली। उन्होंने कहा कि मलाला को 'पश्चिम समर्थक' विचारों और तालिबान के खिलाफ 'नकारात्मक प्रचार' करने के कारण निशाना बनाया गया। एहसान ने कहा कि तालिबान का विरोध करने के कारण लड़की को नहीं बख्शा जाएगा और अगर वह बच जाती है, तो फिर निशाना बनाया जाएगा। स्वात में 2008 में कब्जे के दौरान तालिबान ने लड़कियों के पढ़ने पर प्रतिबंध लगा दिया था। तब युसुफजई ने 'गुल मकई' के छद्म नाम से बीबीसी उर्दू के लिए ब्लॉगिंग में अपनी पीड़ा और नाराजगी जाहिर की। साथ ही उसने और लड़कियों को आतंकवादियों के खतरे के बावजूद पढ़ाई जारी रखने को कहा। 2009 में सेना ने तालिबान का स्वात से सफाया कर दिया था। मलाला यूसुफजई के चाचा अहमद शाह ने पेशावर में संवाददाताओं से कहा कि मंगलवार देर रात सेना के अस्पताल में सर्जरी हुई और गोली को सफलतापूर्वक निकाल लिया गया है। उन्होंने कहा कि डॉक्टरों ने मलाला को उपचार के लिए पाकिस्तान के बाहर नहीं ले जाने की सलाह दी है। चिकित्सकों ने कहा कि इस स्थिति में यात्रा करना उसके लिए ठीक नहीं है। उसे पाकिस्तान का पहला राष्ट्रीय शांति युवा पुरस्कार हासिल हुआ था। डॉक्टरों ने कहा कि अगले 10 दिन उसके लिए काफी महत्वपूर्ण हैं। खबर पख्तूनख्वा सरकार के अधिकारियों ने भी कहा कि तीन घंटे के ऑपरेशन के बाद गोली को निकाला गया। मलाला को मंगलवार को तालिबानी आतंकवादियों ने मिंगोरा में स्कूल बस के अंदर दो गोलियां मारी थीं। मिंगोरा इस्लामाबाद से 160 किलोमीटर दूर स्वात घाटी में है। एक गोली उसके सिर में लगी और नीचे की तरफ जाकर उसकी रीढ़ की हड्डी के पास अटक गई।टिप्पणियां तहरीक-ए-तालिबान के प्रवक्ता इहसानुल्ला एहसान ने पत्रकारों को फोन कर हमले की जिम्मेदारी ली। उन्होंने कहा कि मलाला को 'पश्चिम समर्थक' विचारों और तालिबान के खिलाफ 'नकारात्मक प्रचार' करने के कारण निशाना बनाया गया। एहसान ने कहा कि तालिबान का विरोध करने के कारण लड़की को नहीं बख्शा जाएगा और अगर वह बच जाती है, तो फिर निशाना बनाया जाएगा। स्वात में 2008 में कब्जे के दौरान तालिबान ने लड़कियों के पढ़ने पर प्रतिबंध लगा दिया था। तब युसुफजई ने 'गुल मकई' के छद्म नाम से बीबीसी उर्दू के लिए ब्लॉगिंग में अपनी पीड़ा और नाराजगी जाहिर की। साथ ही उसने और लड़कियों को आतंकवादियों के खतरे के बावजूद पढ़ाई जारी रखने को कहा। 2009 में सेना ने तालिबान का स्वात से सफाया कर दिया था। उसे पाकिस्तान का पहला राष्ट्रीय शांति युवा पुरस्कार हासिल हुआ था। डॉक्टरों ने कहा कि अगले 10 दिन उसके लिए काफी महत्वपूर्ण हैं। खबर पख्तूनख्वा सरकार के अधिकारियों ने भी कहा कि तीन घंटे के ऑपरेशन के बाद गोली को निकाला गया। मलाला को मंगलवार को तालिबानी आतंकवादियों ने मिंगोरा में स्कूल बस के अंदर दो गोलियां मारी थीं। मिंगोरा इस्लामाबाद से 160 किलोमीटर दूर स्वात घाटी में है। एक गोली उसके सिर में लगी और नीचे की तरफ जाकर उसकी रीढ़ की हड्डी के पास अटक गई।टिप्पणियां तहरीक-ए-तालिबान के प्रवक्ता इहसानुल्ला एहसान ने पत्रकारों को फोन कर हमले की जिम्मेदारी ली। उन्होंने कहा कि मलाला को 'पश्चिम समर्थक' विचारों और तालिबान के खिलाफ 'नकारात्मक प्रचार' करने के कारण निशाना बनाया गया। एहसान ने कहा कि तालिबान का विरोध करने के कारण लड़की को नहीं बख्शा जाएगा और अगर वह बच जाती है, तो फिर निशाना बनाया जाएगा। स्वात में 2008 में कब्जे के दौरान तालिबान ने लड़कियों के पढ़ने पर प्रतिबंध लगा दिया था। तब युसुफजई ने 'गुल मकई' के छद्म नाम से बीबीसी उर्दू के लिए ब्लॉगिंग में अपनी पीड़ा और नाराजगी जाहिर की। साथ ही उसने और लड़कियों को आतंकवादियों के खतरे के बावजूद पढ़ाई जारी रखने को कहा। 2009 में सेना ने तालिबान का स्वात से सफाया कर दिया था। तहरीक-ए-तालिबान के प्रवक्ता इहसानुल्ला एहसान ने पत्रकारों को फोन कर हमले की जिम्मेदारी ली। उन्होंने कहा कि मलाला को 'पश्चिम समर्थक' विचारों और तालिबान के खिलाफ 'नकारात्मक प्रचार' करने के कारण निशाना बनाया गया। एहसान ने कहा कि तालिबान का विरोध करने के कारण लड़की को नहीं बख्शा जाएगा और अगर वह बच जाती है, तो फिर निशाना बनाया जाएगा। स्वात में 2008 में कब्जे के दौरान तालिबान ने लड़कियों के पढ़ने पर प्रतिबंध लगा दिया था। तब युसुफजई ने 'गुल मकई' के छद्म नाम से बीबीसी उर्दू के लिए ब्लॉगिंग में अपनी पीड़ा और नाराजगी जाहिर की। साथ ही उसने और लड़कियों को आतंकवादियों के खतरे के बावजूद पढ़ाई जारी रखने को कहा। 2009 में सेना ने तालिबान का स्वात से सफाया कर दिया था। स्वात में 2008 में कब्जे के दौरान तालिबान ने लड़कियों के पढ़ने पर प्रतिबंध लगा दिया था। तब युसुफजई ने 'गुल मकई' के छद्म नाम से बीबीसी उर्दू के लिए ब्लॉगिंग में अपनी पीड़ा और नाराजगी जाहिर की। साथ ही उसने और लड़कियों को आतंकवादियों के खतरे के बावजूद पढ़ाई जारी रखने को कहा। 2009 में सेना ने तालिबान का स्वात से सफाया कर दिया था।
यह एक सारांश है: डॉक्टरों ने 14-वर्षीय मलाला यूसुफजई की रीढ़ की हड्डी के पास लगी गोली को निकाल लिया है। तालिबान के अत्याचारों के खिलाफ बोलने के विरोध में प्रतिबंधित संगठन ने उसे गोली मार दी थी।
16
['hin']
एक सारांश बनाओ: पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री बुद्धदेव भट्टाचार्य ने शनिवार को लालगढ़ क्षेत्र में सात ग्रामीणों की हत्या की निंदा की। उन्होंने कहा कि सभी राजनीतिक दलों को हिंसा से अपने को दूर रखना चाहिए। एक कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, "हम राज्य में शांति चाहते हैं। पश्चिम मिदनापुर में शुक्रवार को जो हुआ वह अच्छा नहीं है। सभी राजनीतिक दलों को अपने को हिंसा से दूर रखना चाहिए।" पश्चिमी मिदनापुर के नक्सलियों के प्रभुत्व वाले इलाके में शुक्रवार को कथित मार्क्‍सवादी समर्थकों ने कम से कम सात लोगों की गोली मारकर हत्या कर दी जबकि 17 घायल हो गए। इस घटना पर केंद्रीय गृह मंत्री पी चिदम्बरम ने पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री को दिल्ली तलब किया। भट्टाचार्य ने कहा, "यदि यह हिंसा फिर से फैलती है तो प्रत्येक कार्य और विकास प्रक्रिया ठहर जाएगी। हम नहीं चाहते कि निर्दोष लोग मारे जाएं। हिंसा रुकनी चाहिए।" इन आरोपों के बीच कि हत्यारे मार्क्‍सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) द्वारा बनाए गए शिविर में छुपे थे, माकपा ने हालांकि इस घटना में अपनी संलिप्तता से इंकार किया है। राज्यपाल एमके नारायणन ने इस घटना को 'दुख और शर्म का दिन' करार देते हुए राज्य सरकार से 'निर्णायक कार्रवाई करने' को कहा है।
संक्षिप्त सारांश: पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री बुद्धदेव भट्टाचार्य ने लालगढ़ क्षेत्र में सात ग्रामीणों की हत्या की निंदा की।
8
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: लालू प्रसाद यादव की पार्टी आरजेडी के एक शक्तिशाली विधायक द्वारा कथित तौर पर रेप किए जाने के कम से कम दो महीनों बाद, बिहार के नालंदा में एक स्‍कूल छात्रा कक्षा दसवीं की परीक्षा में शामिल हुई और पास भी हुई. इसी सप्‍ताहांत, पटना हाईकोर्ट द्वारा जमानत दिए जाने के बाद आरोपी विधायक राज बल्‍लभ यादव जेल से बाहर आ गया, जिससे यह छात्रा काफी डरी हुई है,   इस 15 वर्षीय लड़की ने इस उम्‍मीद के साथ की यह संदेश मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार तक पहुंचेगा, पत्रकारों और अन्‍य को व्‍हाट्स एप मैसेज भेजा. इसमें उसने कहा, 'वह (यादव) जेल से बाहर आ चुका है... मैं भयभीत हूं और अपने परिवार के लिए डरी हुई हूं. उसने साथ क्‍या होगा? जो मेरे साथ हुआ, उससे मैं पहले ही मर चुकी हूं. मेरे पास खाने के लिए कुछ नहीं है.' लड़की ने कहा, यह नेता मुझे और मेरे परिवार को किसी भी वक्‍त मार सकता है. यहां तक की पुलिस भी उससे डरती है. नीतीश कुमार सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से राज बल्‍लभ यादव की जमानत रद्द करने का आग्रह किया है. इससे चंद रोज पहले राज्‍य सरकार ने राजद के ही एक अन्‍य बाहुबली नेता मोहम्‍मद शहाबुद्दीन की जमानत रद करने के लिए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था. दरअसल विपक्षी दल बीजेपी ने राज्‍य सरकार पर ऐसे नेताओं के खिलाफ प्रभावी तरीके से सख्‍त रुख नहीं अपनाने का आरोप लगाया है जो राजद नेता लालू प्रसाद की पार्टी से संबंधित हैं. उल्‍लेखनीय है कि पिछले साल के विधानसभा चुनाव से पहले लालू प्रसाद ने नीतीश कुमार के साथ हाथ मिला लिया था और कांग्रेस के साथ दोनों दलों का महागठबंधन इस वक्‍त राज्‍य की सत्‍ता में सत्‍तारूढ़ है. गौरतलब है कि फरवरी में राज बल्‍लभ के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी होते ही राजद ने पार्टी से उन्‍हें निलंबित कर दिया था. एक महीने फरार रहने के बाद उन्‍होंने उसके बाद सरेंडर कर दिया था.   टिप्पणियां राज बल्‍लभ बिहार विधानसभा में नवादा सीट का प्रतिनिधित्‍व करते हैं. उन पर छह फरवरी को पटना से तकरीबन 70 किमी दूर स्थित बिहार शरीफ की एक नाबालिग लड़की के साथ बलात्‍कार का आरोप है. लड़की ने पुलिस को बताया कि उसको एक पड़ोसी महिला अज्ञात स्‍थान पर ले गई थी जहां पर उसके साथ एक आदमी ने बलात्‍कार किया. बाद में राज बल्‍लभ के रूप में उस व्‍यक्ति को पीडि़ता ने पहचाना. लड़की का यह भी कहना है कि उस महिला ने उसे 30 हजार रुपये देने का प्रस्‍ताव दिया था. राज बल्‍लभ यादव को लैंगिक अपराधों से बाल संरक्षण एक्‍ट के तहत गिरफ्तार किया था और निचली अदालत द्वारा उसकी जमानत की याचिका बार-बार खारिज की जाती रही. उसके बाद यादव ने हाई कोर्ट का रुख किया जहां पिछले हफ्ते उसे जमानत मिल गई. इसी सप्‍ताहांत, पटना हाईकोर्ट द्वारा जमानत दिए जाने के बाद आरोपी विधायक राज बल्‍लभ यादव जेल से बाहर आ गया, जिससे यह छात्रा काफी डरी हुई है,   इस 15 वर्षीय लड़की ने इस उम्‍मीद के साथ की यह संदेश मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार तक पहुंचेगा, पत्रकारों और अन्‍य को व्‍हाट्स एप मैसेज भेजा. इसमें उसने कहा, 'वह (यादव) जेल से बाहर आ चुका है... मैं भयभीत हूं और अपने परिवार के लिए डरी हुई हूं. उसने साथ क्‍या होगा? जो मेरे साथ हुआ, उससे मैं पहले ही मर चुकी हूं. मेरे पास खाने के लिए कुछ नहीं है.' लड़की ने कहा, यह नेता मुझे और मेरे परिवार को किसी भी वक्‍त मार सकता है. यहां तक की पुलिस भी उससे डरती है. नीतीश कुमार सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से राज बल्‍लभ यादव की जमानत रद्द करने का आग्रह किया है. इससे चंद रोज पहले राज्‍य सरकार ने राजद के ही एक अन्‍य बाहुबली नेता मोहम्‍मद शहाबुद्दीन की जमानत रद करने के लिए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था. दरअसल विपक्षी दल बीजेपी ने राज्‍य सरकार पर ऐसे नेताओं के खिलाफ प्रभावी तरीके से सख्‍त रुख नहीं अपनाने का आरोप लगाया है जो राजद नेता लालू प्रसाद की पार्टी से संबंधित हैं. उल्‍लेखनीय है कि पिछले साल के विधानसभा चुनाव से पहले लालू प्रसाद ने नीतीश कुमार के साथ हाथ मिला लिया था और कांग्रेस के साथ दोनों दलों का महागठबंधन इस वक्‍त राज्‍य की सत्‍ता में सत्‍तारूढ़ है. गौरतलब है कि फरवरी में राज बल्‍लभ के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी होते ही राजद ने पार्टी से उन्‍हें निलंबित कर दिया था. एक महीने फरार रहने के बाद उन्‍होंने उसके बाद सरेंडर कर दिया था.   टिप्पणियां राज बल्‍लभ बिहार विधानसभा में नवादा सीट का प्रतिनिधित्‍व करते हैं. उन पर छह फरवरी को पटना से तकरीबन 70 किमी दूर स्थित बिहार शरीफ की एक नाबालिग लड़की के साथ बलात्‍कार का आरोप है. लड़की ने पुलिस को बताया कि उसको एक पड़ोसी महिला अज्ञात स्‍थान पर ले गई थी जहां पर उसके साथ एक आदमी ने बलात्‍कार किया. बाद में राज बल्‍लभ के रूप में उस व्‍यक्ति को पीडि़ता ने पहचाना. लड़की का यह भी कहना है कि उस महिला ने उसे 30 हजार रुपये देने का प्रस्‍ताव दिया था. राज बल्‍लभ यादव को लैंगिक अपराधों से बाल संरक्षण एक्‍ट के तहत गिरफ्तार किया था और निचली अदालत द्वारा उसकी जमानत की याचिका बार-बार खारिज की जाती रही. उसके बाद यादव ने हाई कोर्ट का रुख किया जहां पिछले हफ्ते उसे जमानत मिल गई. लड़की ने कहा, यह नेता मुझे और मेरे परिवार को किसी भी वक्‍त मार सकता है. यहां तक की पुलिस भी उससे डरती है. नीतीश कुमार सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से राज बल्‍लभ यादव की जमानत रद्द करने का आग्रह किया है. इससे चंद रोज पहले राज्‍य सरकार ने राजद के ही एक अन्‍य बाहुबली नेता मोहम्‍मद शहाबुद्दीन की जमानत रद करने के लिए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था. दरअसल विपक्षी दल बीजेपी ने राज्‍य सरकार पर ऐसे नेताओं के खिलाफ प्रभावी तरीके से सख्‍त रुख नहीं अपनाने का आरोप लगाया है जो राजद नेता लालू प्रसाद की पार्टी से संबंधित हैं. उल्‍लेखनीय है कि पिछले साल के विधानसभा चुनाव से पहले लालू प्रसाद ने नीतीश कुमार के साथ हाथ मिला लिया था और कांग्रेस के साथ दोनों दलों का महागठबंधन इस वक्‍त राज्‍य की सत्‍ता में सत्‍तारूढ़ है. गौरतलब है कि फरवरी में राज बल्‍लभ के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी होते ही राजद ने पार्टी से उन्‍हें निलंबित कर दिया था. एक महीने फरार रहने के बाद उन्‍होंने उसके बाद सरेंडर कर दिया था.   टिप्पणियां राज बल्‍लभ बिहार विधानसभा में नवादा सीट का प्रतिनिधित्‍व करते हैं. उन पर छह फरवरी को पटना से तकरीबन 70 किमी दूर स्थित बिहार शरीफ की एक नाबालिग लड़की के साथ बलात्‍कार का आरोप है. लड़की ने पुलिस को बताया कि उसको एक पड़ोसी महिला अज्ञात स्‍थान पर ले गई थी जहां पर उसके साथ एक आदमी ने बलात्‍कार किया. बाद में राज बल्‍लभ के रूप में उस व्‍यक्ति को पीडि़ता ने पहचाना. लड़की का यह भी कहना है कि उस महिला ने उसे 30 हजार रुपये देने का प्रस्‍ताव दिया था. राज बल्‍लभ यादव को लैंगिक अपराधों से बाल संरक्षण एक्‍ट के तहत गिरफ्तार किया था और निचली अदालत द्वारा उसकी जमानत की याचिका बार-बार खारिज की जाती रही. उसके बाद यादव ने हाई कोर्ट का रुख किया जहां पिछले हफ्ते उसे जमानत मिल गई. नीतीश कुमार सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से राज बल्‍लभ यादव की जमानत रद्द करने का आग्रह किया है. इससे चंद रोज पहले राज्‍य सरकार ने राजद के ही एक अन्‍य बाहुबली नेता मोहम्‍मद शहाबुद्दीन की जमानत रद करने के लिए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था. दरअसल विपक्षी दल बीजेपी ने राज्‍य सरकार पर ऐसे नेताओं के खिलाफ प्रभावी तरीके से सख्‍त रुख नहीं अपनाने का आरोप लगाया है जो राजद नेता लालू प्रसाद की पार्टी से संबंधित हैं. उल्‍लेखनीय है कि पिछले साल के विधानसभा चुनाव से पहले लालू प्रसाद ने नीतीश कुमार के साथ हाथ मिला लिया था और कांग्रेस के साथ दोनों दलों का महागठबंधन इस वक्‍त राज्‍य की सत्‍ता में सत्‍तारूढ़ है. गौरतलब है कि फरवरी में राज बल्‍लभ के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी होते ही राजद ने पार्टी से उन्‍हें निलंबित कर दिया था. एक महीने फरार रहने के बाद उन्‍होंने उसके बाद सरेंडर कर दिया था.   टिप्पणियां राज बल्‍लभ बिहार विधानसभा में नवादा सीट का प्रतिनिधित्‍व करते हैं. उन पर छह फरवरी को पटना से तकरीबन 70 किमी दूर स्थित बिहार शरीफ की एक नाबालिग लड़की के साथ बलात्‍कार का आरोप है. लड़की ने पुलिस को बताया कि उसको एक पड़ोसी महिला अज्ञात स्‍थान पर ले गई थी जहां पर उसके साथ एक आदमी ने बलात्‍कार किया. बाद में राज बल्‍लभ के रूप में उस व्‍यक्ति को पीडि़ता ने पहचाना. लड़की का यह भी कहना है कि उस महिला ने उसे 30 हजार रुपये देने का प्रस्‍ताव दिया था. राज बल्‍लभ यादव को लैंगिक अपराधों से बाल संरक्षण एक्‍ट के तहत गिरफ्तार किया था और निचली अदालत द्वारा उसकी जमानत की याचिका बार-बार खारिज की जाती रही. उसके बाद यादव ने हाई कोर्ट का रुख किया जहां पिछले हफ्ते उसे जमानत मिल गई. दरअसल विपक्षी दल बीजेपी ने राज्‍य सरकार पर ऐसे नेताओं के खिलाफ प्रभावी तरीके से सख्‍त रुख नहीं अपनाने का आरोप लगाया है जो राजद नेता लालू प्रसाद की पार्टी से संबंधित हैं. उल्‍लेखनीय है कि पिछले साल के विधानसभा चुनाव से पहले लालू प्रसाद ने नीतीश कुमार के साथ हाथ मिला लिया था और कांग्रेस के साथ दोनों दलों का महागठबंधन इस वक्‍त राज्‍य की सत्‍ता में सत्‍तारूढ़ है. गौरतलब है कि फरवरी में राज बल्‍लभ के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी होते ही राजद ने पार्टी से उन्‍हें निलंबित कर दिया था. एक महीने फरार रहने के बाद उन्‍होंने उसके बाद सरेंडर कर दिया था.   टिप्पणियां राज बल्‍लभ बिहार विधानसभा में नवादा सीट का प्रतिनिधित्‍व करते हैं. उन पर छह फरवरी को पटना से तकरीबन 70 किमी दूर स्थित बिहार शरीफ की एक नाबालिग लड़की के साथ बलात्‍कार का आरोप है. लड़की ने पुलिस को बताया कि उसको एक पड़ोसी महिला अज्ञात स्‍थान पर ले गई थी जहां पर उसके साथ एक आदमी ने बलात्‍कार किया. बाद में राज बल्‍लभ के रूप में उस व्‍यक्ति को पीडि़ता ने पहचाना. लड़की का यह भी कहना है कि उस महिला ने उसे 30 हजार रुपये देने का प्रस्‍ताव दिया था. राज बल्‍लभ यादव को लैंगिक अपराधों से बाल संरक्षण एक्‍ट के तहत गिरफ्तार किया था और निचली अदालत द्वारा उसकी जमानत की याचिका बार-बार खारिज की जाती रही. उसके बाद यादव ने हाई कोर्ट का रुख किया जहां पिछले हफ्ते उसे जमानत मिल गई. गौरतलब है कि फरवरी में राज बल्‍लभ के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी होते ही राजद ने पार्टी से उन्‍हें निलंबित कर दिया था. एक महीने फरार रहने के बाद उन्‍होंने उसके बाद सरेंडर कर दिया था.   टिप्पणियां राज बल्‍लभ बिहार विधानसभा में नवादा सीट का प्रतिनिधित्‍व करते हैं. उन पर छह फरवरी को पटना से तकरीबन 70 किमी दूर स्थित बिहार शरीफ की एक नाबालिग लड़की के साथ बलात्‍कार का आरोप है. लड़की ने पुलिस को बताया कि उसको एक पड़ोसी महिला अज्ञात स्‍थान पर ले गई थी जहां पर उसके साथ एक आदमी ने बलात्‍कार किया. बाद में राज बल्‍लभ के रूप में उस व्‍यक्ति को पीडि़ता ने पहचाना. लड़की का यह भी कहना है कि उस महिला ने उसे 30 हजार रुपये देने का प्रस्‍ताव दिया था. राज बल्‍लभ यादव को लैंगिक अपराधों से बाल संरक्षण एक्‍ट के तहत गिरफ्तार किया था और निचली अदालत द्वारा उसकी जमानत की याचिका बार-बार खारिज की जाती रही. उसके बाद यादव ने हाई कोर्ट का रुख किया जहां पिछले हफ्ते उसे जमानत मिल गई. राज बल्‍लभ बिहार विधानसभा में नवादा सीट का प्रतिनिधित्‍व करते हैं. उन पर छह फरवरी को पटना से तकरीबन 70 किमी दूर स्थित बिहार शरीफ की एक नाबालिग लड़की के साथ बलात्‍कार का आरोप है. लड़की ने पुलिस को बताया कि उसको एक पड़ोसी महिला अज्ञात स्‍थान पर ले गई थी जहां पर उसके साथ एक आदमी ने बलात्‍कार किया. बाद में राज बल्‍लभ के रूप में उस व्‍यक्ति को पीडि़ता ने पहचाना. लड़की का यह भी कहना है कि उस महिला ने उसे 30 हजार रुपये देने का प्रस्‍ताव दिया था. राज बल्‍लभ यादव को लैंगिक अपराधों से बाल संरक्षण एक्‍ट के तहत गिरफ्तार किया था और निचली अदालत द्वारा उसकी जमानत की याचिका बार-बार खारिज की जाती रही. उसके बाद यादव ने हाई कोर्ट का रुख किया जहां पिछले हफ्ते उसे जमानत मिल गई. राज बल्‍लभ यादव को लैंगिक अपराधों से बाल संरक्षण एक्‍ट के तहत गिरफ्तार किया था और निचली अदालत द्वारा उसकी जमानत की याचिका बार-बार खारिज की जाती रही. उसके बाद यादव ने हाई कोर्ट का रुख किया जहां पिछले हफ्ते उसे जमानत मिल गई.
विधायक के जमानत पर बाहर आने से डरी हुई है छात्रा. मैं भयभीत हूं और अपने परिवार के लिए डरी हुई हूं : लड़की ने मैसेज में लिखा लड़की ने कहा, यह नेता मुझे और मेरे परिवार को किसी भी वक्‍त मार सकता है.
6
['hin']
एक सारांश बनाओ: जर्मनी के टामी हास ने दूसरी वरीयता प्राप्त रोजर फेडरर को एटीपी ग्रासकोर्ट टेनिस टूर्नामेंट के फाइनल में 7-6, 6-4 से हराकर खिताब जीता। अपने घरेलू दर्शकों के सामने खेल रहे 34 वर्षीय हास ने फेडरर की विंबलडन से पहले खिताब जीतने की उम्मीदों पर पानी फेरा और अपने करियर का 13वां एटीपी खिताब जीता। स्विट्जरलैंड के महान खिलाड़ी फेडरर का इस विंबलडन वार्म अप प्रतियोगिता में छठी बार खिताब जीतने का सपना पूरा नहीं हो पाया। वह रूसी माइकल यूज्नी पर लगातार सेटों में जीत दर्ज करके सातवीं बार हाले में फाइनल में पहुंचे थे। दुनिया के पूर्व नंबर दो खिलाड़ी लेकिन यहां वाइल्ड कार्ड से प्रवेश पाने वाले हास ने हमवतन फिलिप कोलश्राइबर को हराकर खिताबी मुकाबले में जगह बनाई थी। हास ने खिताब जीतने के बाद कहा, ‘यह मेरे करियर का सर्वश्रेष्ठ सप्ताह है लेकिन जो कुछ हुआ मुझे शाम तक उस पर विश्वास नहीं था। यदि मैच से पहले कोई मुझसे कहता कि मैं सर्वकालिक महान टेनिस खिलाड़ी रोजर फेडरर को हराने जा रहा हूं तो मैं उसे पागल समझता।’ टिप्पणियां फेडरर ने भी हास की तारीफ की। उन्होंने कहा, ‘टाम ने पूरे मैच में अच्छा प्रदर्शन किया। मैं उनके लिए उत्साहित हूं।’ हास की फेडरर पर यह करियर में तीसरी जीत है। इससे पहले उन्होंने हाले में ही 2005 और 2006 में सेमीफाइनल में इस दिग्गज खिलाड़ी को हराया था। अपने घरेलू दर्शकों के सामने खेल रहे 34 वर्षीय हास ने फेडरर की विंबलडन से पहले खिताब जीतने की उम्मीदों पर पानी फेरा और अपने करियर का 13वां एटीपी खिताब जीता। स्विट्जरलैंड के महान खिलाड़ी फेडरर का इस विंबलडन वार्म अप प्रतियोगिता में छठी बार खिताब जीतने का सपना पूरा नहीं हो पाया। वह रूसी माइकल यूज्नी पर लगातार सेटों में जीत दर्ज करके सातवीं बार हाले में फाइनल में पहुंचे थे। दुनिया के पूर्व नंबर दो खिलाड़ी लेकिन यहां वाइल्ड कार्ड से प्रवेश पाने वाले हास ने हमवतन फिलिप कोलश्राइबर को हराकर खिताबी मुकाबले में जगह बनाई थी। हास ने खिताब जीतने के बाद कहा, ‘यह मेरे करियर का सर्वश्रेष्ठ सप्ताह है लेकिन जो कुछ हुआ मुझे शाम तक उस पर विश्वास नहीं था। यदि मैच से पहले कोई मुझसे कहता कि मैं सर्वकालिक महान टेनिस खिलाड़ी रोजर फेडरर को हराने जा रहा हूं तो मैं उसे पागल समझता।’ टिप्पणियां फेडरर ने भी हास की तारीफ की। उन्होंने कहा, ‘टाम ने पूरे मैच में अच्छा प्रदर्शन किया। मैं उनके लिए उत्साहित हूं।’ हास की फेडरर पर यह करियर में तीसरी जीत है। इससे पहले उन्होंने हाले में ही 2005 और 2006 में सेमीफाइनल में इस दिग्गज खिलाड़ी को हराया था। वह रूसी माइकल यूज्नी पर लगातार सेटों में जीत दर्ज करके सातवीं बार हाले में फाइनल में पहुंचे थे। दुनिया के पूर्व नंबर दो खिलाड़ी लेकिन यहां वाइल्ड कार्ड से प्रवेश पाने वाले हास ने हमवतन फिलिप कोलश्राइबर को हराकर खिताबी मुकाबले में जगह बनाई थी। हास ने खिताब जीतने के बाद कहा, ‘यह मेरे करियर का सर्वश्रेष्ठ सप्ताह है लेकिन जो कुछ हुआ मुझे शाम तक उस पर विश्वास नहीं था। यदि मैच से पहले कोई मुझसे कहता कि मैं सर्वकालिक महान टेनिस खिलाड़ी रोजर फेडरर को हराने जा रहा हूं तो मैं उसे पागल समझता।’ टिप्पणियां फेडरर ने भी हास की तारीफ की। उन्होंने कहा, ‘टाम ने पूरे मैच में अच्छा प्रदर्शन किया। मैं उनके लिए उत्साहित हूं।’ हास की फेडरर पर यह करियर में तीसरी जीत है। इससे पहले उन्होंने हाले में ही 2005 और 2006 में सेमीफाइनल में इस दिग्गज खिलाड़ी को हराया था। हास ने खिताब जीतने के बाद कहा, ‘यह मेरे करियर का सर्वश्रेष्ठ सप्ताह है लेकिन जो कुछ हुआ मुझे शाम तक उस पर विश्वास नहीं था। यदि मैच से पहले कोई मुझसे कहता कि मैं सर्वकालिक महान टेनिस खिलाड़ी रोजर फेडरर को हराने जा रहा हूं तो मैं उसे पागल समझता।’ टिप्पणियां फेडरर ने भी हास की तारीफ की। उन्होंने कहा, ‘टाम ने पूरे मैच में अच्छा प्रदर्शन किया। मैं उनके लिए उत्साहित हूं।’ हास की फेडरर पर यह करियर में तीसरी जीत है। इससे पहले उन्होंने हाले में ही 2005 और 2006 में सेमीफाइनल में इस दिग्गज खिलाड़ी को हराया था। फेडरर ने भी हास की तारीफ की। उन्होंने कहा, ‘टाम ने पूरे मैच में अच्छा प्रदर्शन किया। मैं उनके लिए उत्साहित हूं।’ हास की फेडरर पर यह करियर में तीसरी जीत है। इससे पहले उन्होंने हाले में ही 2005 और 2006 में सेमीफाइनल में इस दिग्गज खिलाड़ी को हराया था। हास की फेडरर पर यह करियर में तीसरी जीत है। इससे पहले उन्होंने हाले में ही 2005 और 2006 में सेमीफाइनल में इस दिग्गज खिलाड़ी को हराया था।
संक्षिप्त पाठ: जर्मनी के टामी हास ने दूसरी वरीयता प्राप्त रोजर फेडरर को एटीपी ग्रासकोर्ट टेनिस टूर्नामेंट के फाइनल में 7-6, 6-4 से हराकर खिताब जीता।
30
['hin']
एक सारांश बनाओ: रोहिल्ला राजवंश के महल में बनाई गई सहारनपुर जिला जेल को खाली करने का नोटिस आ चुका है. पुरातत्व विभाग ने जेल की इमारत को पुरातात्विक धरोहर बताते हुए यह नोटिस जारी किया है. पुरातत्व विभाग के इस नोटिस ने जेल महकमे में हड़कंप मचा दिया है. अधिकारियों को समझ नहीं आ रहा कि वे जेल में बंद कैदियों को कहां शिफ्ट करें. सीनियर जेल सुपरीटेंडेंट ने शासन को इसकी जानकारी देते हुए दिशा-निर्देश मांगे हैं, कि वे अब क्या करें. आईजी जेल ने नोटिस मिलने की पुष्टि की है.यूपी के सहारनपुर में पति और पिता के सामने महिला से किया गैंगरेप वर्तमान की सहारनपुर जिला जेल करीब 200 साल पहले रोहिल्ला राजवंश का किला हुआ करता था. लेकिन, सन् 1868 में इस महल को जेल बना दिया गया. उस वक्त जेल की क्षमता 232 कैदियों की थी. वर्ष 1920 में भारतीय पुरातत्व विभाग ने इस जेल को संरक्षित स्मारक घोषित कर दिया. हालांकि, इसे दरकिनार करते हुए तत्कालीन प्रशासन ने जेल में कुछ निर्माण कराकर इसकी क्षमता को बढ़ाते हुए 405 कैदी कर दिया गया. वर्ष 2014 में पुरातत्व विभाग ने जेल के कुछ हिस्सों में खोदाई की थी. इस खोदाई में पुरातात्विक महत्व की कई चीजें निकली थीं. जेल के गेट पर अब भी पत्थर लगा है, जिसमें रोहिल्ला वंश के बारे में जानकारी लिखी है. पुरातत्व विभाग ने जेल में कोई नया निर्माण करने पर रोक लगा रखी है. सैकड़ों साल पुराने इस किले में फिलवक्त 530 बंदियों/कैदियों को रखने के लिये नौ बैरक हैं. बाल किशोर जेल के अलावा महिला जेल भी रोहिल्ला किले में ही स्थित हैं. हालांकि, इसकी क्षमता 530 के मुकाबले फिलवक्त जेल में 1690 बंदी/कैदी बंद हैं. बीते दिनों पुरातत्व विभाग ने सीनियर जेल सुपरीटेंडेंट को नोटिस भेजकर जेल कैंपस को पुरातात्विक धरोहर बताते हुए इसे जल्द से जल्द खाली करने का निर्देश दिया.टिप्पणियां VODEO- डोंडिया खेड़ा बनेगा पर्यटन स्थल... सुपरीटेंडेंट वीरेश राज शर्मा ने यह नोटिस डीआईजी जेल मेरठ रेंज शशि शर्मा को भेज दिया. उन्होंने शासन को पत्र भेजकर जिला जेल को दूसरी जगह बनवाकर इसे नये भवन में शिफ्ट करने की इजाजत मांगी है. आईजी जेल पीके मिश्र ने बताया कि पुरातत्व विभाग के नोटिस के बारे में शासन को जानकारी दे दी गई है. आदेश मिलने पर नई जेल बनाने की कवायद शुरू हो सकेगी. यूपी के सहारनपुर में पति और पिता के सामने महिला से किया गैंगरेप वर्तमान की सहारनपुर जिला जेल करीब 200 साल पहले रोहिल्ला राजवंश का किला हुआ करता था. लेकिन, सन् 1868 में इस महल को जेल बना दिया गया. उस वक्त जेल की क्षमता 232 कैदियों की थी. वर्ष 1920 में भारतीय पुरातत्व विभाग ने इस जेल को संरक्षित स्मारक घोषित कर दिया. हालांकि, इसे दरकिनार करते हुए तत्कालीन प्रशासन ने जेल में कुछ निर्माण कराकर इसकी क्षमता को बढ़ाते हुए 405 कैदी कर दिया गया. वर्ष 2014 में पुरातत्व विभाग ने जेल के कुछ हिस्सों में खोदाई की थी. इस खोदाई में पुरातात्विक महत्व की कई चीजें निकली थीं. जेल के गेट पर अब भी पत्थर लगा है, जिसमें रोहिल्ला वंश के बारे में जानकारी लिखी है. पुरातत्व विभाग ने जेल में कोई नया निर्माण करने पर रोक लगा रखी है. सैकड़ों साल पुराने इस किले में फिलवक्त 530 बंदियों/कैदियों को रखने के लिये नौ बैरक हैं. बाल किशोर जेल के अलावा महिला जेल भी रोहिल्ला किले में ही स्थित हैं. हालांकि, इसकी क्षमता 530 के मुकाबले फिलवक्त जेल में 1690 बंदी/कैदी बंद हैं. बीते दिनों पुरातत्व विभाग ने सीनियर जेल सुपरीटेंडेंट को नोटिस भेजकर जेल कैंपस को पुरातात्विक धरोहर बताते हुए इसे जल्द से जल्द खाली करने का निर्देश दिया.टिप्पणियां VODEO- डोंडिया खेड़ा बनेगा पर्यटन स्थल... सुपरीटेंडेंट वीरेश राज शर्मा ने यह नोटिस डीआईजी जेल मेरठ रेंज शशि शर्मा को भेज दिया. उन्होंने शासन को पत्र भेजकर जिला जेल को दूसरी जगह बनवाकर इसे नये भवन में शिफ्ट करने की इजाजत मांगी है. आईजी जेल पीके मिश्र ने बताया कि पुरातत्व विभाग के नोटिस के बारे में शासन को जानकारी दे दी गई है. आदेश मिलने पर नई जेल बनाने की कवायद शुरू हो सकेगी. वर्तमान की सहारनपुर जिला जेल करीब 200 साल पहले रोहिल्ला राजवंश का किला हुआ करता था. लेकिन, सन् 1868 में इस महल को जेल बना दिया गया. उस वक्त जेल की क्षमता 232 कैदियों की थी. वर्ष 1920 में भारतीय पुरातत्व विभाग ने इस जेल को संरक्षित स्मारक घोषित कर दिया. हालांकि, इसे दरकिनार करते हुए तत्कालीन प्रशासन ने जेल में कुछ निर्माण कराकर इसकी क्षमता को बढ़ाते हुए 405 कैदी कर दिया गया. वर्ष 2014 में पुरातत्व विभाग ने जेल के कुछ हिस्सों में खोदाई की थी. इस खोदाई में पुरातात्विक महत्व की कई चीजें निकली थीं. जेल के गेट पर अब भी पत्थर लगा है, जिसमें रोहिल्ला वंश के बारे में जानकारी लिखी है. पुरातत्व विभाग ने जेल में कोई नया निर्माण करने पर रोक लगा रखी है. सैकड़ों साल पुराने इस किले में फिलवक्त 530 बंदियों/कैदियों को रखने के लिये नौ बैरक हैं. बाल किशोर जेल के अलावा महिला जेल भी रोहिल्ला किले में ही स्थित हैं. हालांकि, इसकी क्षमता 530 के मुकाबले फिलवक्त जेल में 1690 बंदी/कैदी बंद हैं. बीते दिनों पुरातत्व विभाग ने सीनियर जेल सुपरीटेंडेंट को नोटिस भेजकर जेल कैंपस को पुरातात्विक धरोहर बताते हुए इसे जल्द से जल्द खाली करने का निर्देश दिया.टिप्पणियां VODEO- डोंडिया खेड़ा बनेगा पर्यटन स्थल... सुपरीटेंडेंट वीरेश राज शर्मा ने यह नोटिस डीआईजी जेल मेरठ रेंज शशि शर्मा को भेज दिया. उन्होंने शासन को पत्र भेजकर जिला जेल को दूसरी जगह बनवाकर इसे नये भवन में शिफ्ट करने की इजाजत मांगी है. आईजी जेल पीके मिश्र ने बताया कि पुरातत्व विभाग के नोटिस के बारे में शासन को जानकारी दे दी गई है. आदेश मिलने पर नई जेल बनाने की कवायद शुरू हो सकेगी. सैकड़ों साल पुराने इस किले में फिलवक्त 530 बंदियों/कैदियों को रखने के लिये नौ बैरक हैं. बाल किशोर जेल के अलावा महिला जेल भी रोहिल्ला किले में ही स्थित हैं. हालांकि, इसकी क्षमता 530 के मुकाबले फिलवक्त जेल में 1690 बंदी/कैदी बंद हैं. बीते दिनों पुरातत्व विभाग ने सीनियर जेल सुपरीटेंडेंट को नोटिस भेजकर जेल कैंपस को पुरातात्विक धरोहर बताते हुए इसे जल्द से जल्द खाली करने का निर्देश दिया.टिप्पणियां VODEO- डोंडिया खेड़ा बनेगा पर्यटन स्थल... सुपरीटेंडेंट वीरेश राज शर्मा ने यह नोटिस डीआईजी जेल मेरठ रेंज शशि शर्मा को भेज दिया. उन्होंने शासन को पत्र भेजकर जिला जेल को दूसरी जगह बनवाकर इसे नये भवन में शिफ्ट करने की इजाजत मांगी है. आईजी जेल पीके मिश्र ने बताया कि पुरातत्व विभाग के नोटिस के बारे में शासन को जानकारी दे दी गई है. आदेश मिलने पर नई जेल बनाने की कवायद शुरू हो सकेगी. VODEO- डोंडिया खेड़ा बनेगा पर्यटन स्थल... सुपरीटेंडेंट वीरेश राज शर्मा ने यह नोटिस डीआईजी जेल मेरठ रेंज शशि शर्मा को भेज दिया. उन्होंने शासन को पत्र भेजकर जिला जेल को दूसरी जगह बनवाकर इसे नये भवन में शिफ्ट करने की इजाजत मांगी है. आईजी जेल पीके मिश्र ने बताया कि पुरातत्व विभाग के नोटिस के बारे में शासन को जानकारी दे दी गई है. आदेश मिलने पर नई जेल बनाने की कवायद शुरू हो सकेगी. सुपरीटेंडेंट वीरेश राज शर्मा ने यह नोटिस डीआईजी जेल मेरठ रेंज शशि शर्मा को भेज दिया. उन्होंने शासन को पत्र भेजकर जिला जेल को दूसरी जगह बनवाकर इसे नये भवन में शिफ्ट करने की इजाजत मांगी है. आईजी जेल पीके मिश्र ने बताया कि पुरातत्व विभाग के नोटिस के बारे में शासन को जानकारी दे दी गई है. आदेश मिलने पर नई जेल बनाने की कवायद शुरू हो सकेगी.
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: सहारनपुर जिला जेल को खाली करने का नोटिस आ चुका है रोहिल्ला राजवंश के महल में बनाई गई है जेल जेल महकमे में हड़कंप मचा दिया है
32
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: लोकसभा में नागरिकता (संशोधन) विधेयक (कैब) पेश किए जाने के मद्देनजर शिवसेना ने सवाल उठाए कि क्या हिंदू अवैध शरणार्थियों की ‘चुनिंदा स्वीकृति' देश में धार्मिक युद्ध छेड़ने का काम नहीं करेगी और उसने केंद्र पर विधेयक को लेकर हिंदुओं तथा मुस्लिमों का ‘अदृश्य विभाजन' करने का आरोप लगाया. उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली पार्टी ने यह भी कहा कि विधेयक की आड़ में ‘वोट बैंक की राजनीति' करना देश के हित में नहीं है.  पार्टी के मुखपत्र ‘सामना' में एक संपादकीय में शिवसेना ने विधेयक के समय पर सवाल उठाते हुए कहा, ‘भारत में अभी दिक्कतों की कमी नहीं है लेकिन फिर भी हम कैब जैसी नयी परेशानियों को बुलावा दे रहे हैं. ऐसा लगता है कि केंद्र ने विधेयक को लेकर हिंदुओं और मुस्लिमों का अदृश्य विभाजन किया है.' साथ ही शिवसेना ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से कुछ पड़ोसी देशों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की अपील की. शिवसेना ने सवाल किया, ‘यह सच है कि हिंदुओं के लिए हिंदुस्तान के अलावा कोई दूसरा देश नहीं है, लेकिन अवैध शरणार्थियों में से केवल हिंदुओं को स्वीकार करके देश में एक गृह युद्ध नहीं छिड़ जाएगा?' उसने कहा, ‘अगर कोई नागरिकता (संशोधन) विधेयक की आड़ में वोट बैंक की राजनीति करने की कोशिश करता है तो यह देश के हित में नहीं है.'  संपादकीय में कहा गया है, ‘पाकिस्तान की तरह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अन्य पड़ोसी देशों को भी कड़ा सबक सिखाना चाहिए जो हिंदू, सिख, ईसाई, पारसी और जैन समुदायों पर अत्याचार करते हैं.'  शिवसेना ने कहा कि प्रधानमंत्री ने पहले ही दिखाया है कि कुछ चीजें ‘‘मुमकिन'' हैं.  उसने जम्मू कश्मीर में कश्मीरी पंडितों का ‘पुनर्वास न किए जाने' का लेकर भी भाजपा पर तीखा हमला किया. पार्टी ने कहा, ‘‘यह स्पष्ट नहीं है कि वे (पंडित) अनुच्छेद 370 हटाए जाने के बाद भी जम्मू कश्मीर जाएंगे या नहीं. क्या केंद्र जम्मू कश्मीर में पड़ोसी देशों के अवैध शरणार्थियों को फिर से बसाएगा क्योंकि अब वह आधिकारिक रूप से देश के शेष हिस्से से जुड़ा हुआ है?'
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: नागरिकता संशोधन बिल को लेकर शिवसेना का हमला अमित शाह आज लोकसभा में पेश करेंगे बिल सामना में संपादकीय लिखकर साधा निशाना
25
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: अभिनेता अभिषेक बच्चन को 'दोस्ताना-2' की शूटिंग शुरू होने का बेसब्री से इंतजार है। उन्होंने बताया कि संभावना है कि इस योजना पर नवंबर में काम शुरू हो जाए।टिप्पणियां 37 वर्षीय जूनियर बी ने एक साक्षात्कार में कहा, फिल्म के शुरू होने को लेकर हम भी बहुत लंबा इंतजार कर चुके हैं। हमने अभी तक शूटिंग शुरू नहीं की। हम इस वर्ष शूटिंग करेंगे..संभवत: नवंबर में। 'दोस्ताना 2' वर्ष 2008 में आई सफल फिल्म 'दोस्ताना' का सीक्वल होगी। इसमें अभिषेक और जॉन अब्राहम अपने बदले रोल में दिखेंगे जबकि प्रियंका चोपड़ा की बजाय इस बार नायिका के रूप में कैटरीना कैफ को लिया गया है। करन जौहर द्वारा प्रस्तुत 'दोस्ताना 2' का निर्देशन तरुण मनसुखानी करेंगे। 37 वर्षीय जूनियर बी ने एक साक्षात्कार में कहा, फिल्म के शुरू होने को लेकर हम भी बहुत लंबा इंतजार कर चुके हैं। हमने अभी तक शूटिंग शुरू नहीं की। हम इस वर्ष शूटिंग करेंगे..संभवत: नवंबर में। 'दोस्ताना 2' वर्ष 2008 में आई सफल फिल्म 'दोस्ताना' का सीक्वल होगी। इसमें अभिषेक और जॉन अब्राहम अपने बदले रोल में दिखेंगे जबकि प्रियंका चोपड़ा की बजाय इस बार नायिका के रूप में कैटरीना कैफ को लिया गया है। करन जौहर द्वारा प्रस्तुत 'दोस्ताना 2' का निर्देशन तरुण मनसुखानी करेंगे। 'दोस्ताना 2' वर्ष 2008 में आई सफल फिल्म 'दोस्ताना' का सीक्वल होगी। इसमें अभिषेक और जॉन अब्राहम अपने बदले रोल में दिखेंगे जबकि प्रियंका चोपड़ा की बजाय इस बार नायिका के रूप में कैटरीना कैफ को लिया गया है। करन जौहर द्वारा प्रस्तुत 'दोस्ताना 2' का निर्देशन तरुण मनसुखानी करेंगे।
संक्षिप्त पाठ: अभिनेता अभिषेक बच्चन को 'दोस्ताना-2' की शूटिंग शुरू होने का बेसब्री से इंतजार है। उन्होंने बताया कि संभावना है कि इस योजना पर नवंबर में काम शुरू हो जाए।
27
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: ऑस्ट्रेलिया के तटीय इलाके में उठा चक्रवाती तूफान 'यासी' बुधवार रात को उत्तरी कस्बे क्वींसलैंड पहुंच गया। तूफान से भारी तबाही होने की आशंका व्यक्त की गई है। स्थानीय समाचार पत्र 'दे हेराल्ड सन' के मुताबिक उत्तरी क्वींसलैंड पहुंचे पांचवी श्रेणी के इस तूफान से अब तक टली, इन्निसफेल, मिशन बीच और डंक द्वीप सबसे ज्यादा प्रभावित हुए। मौसम विभाग ने कहा कि तूफान की श्रेणी घटाकर चार की गई है लेकिन अब भी यह बेहद खतरनाक बना हुआ है। कैसोवरी कोस्ट के मेयर रोस सोरबेलो ने कहा कि टली में निजी सम्पत्तियों को काफी नुकसान हुआ है। उन्होंने कहा, "बड़े पैमाने पर तबाही हुई है।" तूफान रात एक बजे टली पहुंचा। मौसम विभाग के विशेषज्ञों के मुताबिक हवाओं की रफ्तार 290 किलोमीटर प्रतिघंटा है। मौसम विभाग के प्रवक्ता न रोब मॉर्टन ने कहा कि पश्चिम और दक्षिण पश्चिम की दिशा में बढ़ रहा यह तूफान कमजोर पड़ेगा। तूफान सुबह के समय जॉर्जटाउन की ओर बढ़ रहा था।
यह एक सारांश है: ऑस्ट्रेलिया के तटीय इलाके में उठा चक्रवाती तूफान 'यासी' बुधवार रात को उत्तरी कस्बे क्वींसलैंड पहुंच गया।
9
['hin']
एक सारांश बनाओ: एक विशेष अदालत में दायर सीबीआई के एक आरोपपत्र के मुताबिक, मैक्सिस की सहायक कंपनी मॉरीशस स्थित मैसर्स ग्लोबल कम्युनिकेशन सर्विसेज होल्डिंग्स लिमिटेड ने एयरसेल में 80 करोड़ अमेरिकी डॉलर निवेश करने की मंजूरी मांगी थी. (मौजूदा विनिमय दर के आधार पर यह 5,127 करोड़ रुपया होता है) आर्थिक मामलों की कैबिनेट समिति (सीसीईए) इसकी मंजूरी देने के लिए सक्षम थी. एजेंसी ने 2014 में कहा था, हालांकि, वित्त मंत्री ने मंजूरी दी थी. तत्कालीन वित्त मंत्री द्वारा मंजूरी दिए जाने को लेकर एफआईपीबी (विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड) की परिस्थितयों के आधार पर आगे की जांच की जाएगी. इससे जुड़े हुए मामले की भी जांच की जा रही है. भाजपा नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने दावा किया था कि पूर्व वित्त मंत्री ने समझौते के लिए एफआईपीबी को मंजूरी दी थी, जिसे प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाले सीसीईए को भेजा जाना चाहिए था क्योंकि 600 करोड़ रुपये से अधिक के विदेशी निवेश के प्रस्ताव को मंजूरी देने का अधिकार सिर्फ इसी समिति को था. इस मामले के सिलसिले में 2014 में एजेंसी के समक्ष पेश होने वाले पी चिंदबरम ने इस साल एक बयान में कहा था कि एफआईपीबी का अनुमोदन की मंजूरी ‘सामान्य कामकाज’ में दी गई थी.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
संक्षिप्त सारांश: सीबीआई गलत सूचना फैला रही है सीबीआई को जो बात करनी है मुझसे करे मेरे बेटे कार्ति चिदंबरम को परेशान न करे
8
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: केरल के मुख्यमंत्री वीएस अच्युतानंदन द्वारा कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी को 'अमूल बेबी' कहे जाने को लेकर उठे विवाद में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) भी कूद पड़ी है। लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज ने कहा कि अच्युतानंदन की उम्र पर टिप्पणी करने से पहले राहुल यह क्यों भूल गए कि तमिलनाडु में उनकी पार्टी द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) के अध्यक्ष व मुख्यमंत्री एम. करुणानिधि का समर्थन कर रही है, जो अच्युतानंदन की उम्र के ही हैं। सुषमा ने मंगलवार को संवाददाताओं को सम्बोधित करते हुए कहा, "विधानसभा चुनावों में प्रचार के दौरान यह देखने को मिला कि कांग्रेस नेतृत्व ने इस दौरान दिमाग का उपयोग किया ही नहीं। चाहे वह सोनिया गांधी हों, राहुल गांधी हों या केंद्रीय संसदीय मामलों के राज्यमंत्री वी. नारायणसामी।" सुषमा ने कहा, "राहुल गांधी ने अच्युतानंदन के उम्र पर टिप्पणी की लेकिन राहुल ने अपना दिमाग नहीं लगाया कि जो वह कह रहे हैं वही चीज उन पर भी लागू होगी। तमिलनाडु में करुणानिधि मुख्यमंत्री हैं और कांग्रेस उनका समर्थन कर रही है। उनकी उम्र वही है जो अच्युतांनद की है।" सुषमा ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा, "सोनिया गांधी ने केरल में चुनाव प्रचार के दौरान वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) के लिए वोट मांगा। उन्होंने एक नहीं दो-दो बार ऐसा किया लेकिन फिर भी उन्होंने अपना दिमाग नहीं लगाया। गलती का एहसास होने पर भी उन्होंने अपनी गलती नहीं सुधारी।" उल्लेखनीय है कि अच्युतानंदन ने गत रविवार को राहुल की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया जाहिर करते हुए उन्हें 'अमूल बेबी' कहा था। इससे पहले राहुल ने अच्युतानंदन की उम्र पर टिप्पणी की थी। राहुल ने शनिवार को केरल में एक चुनावी सभा के दौरान कहा था कि यदि विधानसभा चुनाव में वामपंथी सत्ता में आते हैं तो पांच वर्ष के कार्यकाल की समाप्ति पर राज्य में एक 93 वर्षीय मुख्यमंत्री होगा। अच्युतानंदन फिलहाल 88 वर्ष के हैं। अच्युतानंदन ने कहा था, "कांग्रेस पार्टी के कुछ अमूल बेबी उम्मीदवारों के लिए प्रचार करने हेतु यहां अमूल बेबी आया हुआ है।" अच्युतानंदन द्वारा कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी को 'अमूल बेबी' कहा जाना कांग्रेस को बहुत नागवार गुजरा था। केंद्रीय वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी ने सोमवार को कोलकाता में और कांग्रेस महासिचव दिग्विजय सिंह ने नई दिल्ली में अच्युतानंदन के बयान की तीखी आलोचना की थी।
संक्षिप्त पाठ: अच्युतानंदन द्वारा कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी को 'अमूल बेबी' कहे जाने को लेकर उठे विवाद में भारतीय जनता पार्टी भी कूद पड़ी है।
13
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: अपने शिक्षक को अश्लील संदेश भेजने के संदेह में एक दिन जेल में बिताने वाली एक भारतीय राजनयिक की बेटी ने न्यूयार्क में मुकदमा दायर किया है और गलत तरीके से कारावास और स्कूल से निलंबन के कारण अपने स्कूल अधिकारियों से 15 लाख अमेरिकी डॉलर मुआवजे की मांग की है। न्यूयार्क स्थित भारतीय महावाणिज्य दूतावास में उप वाणिज्य दूत देबाशीष विश्वास की 18 वर्षीय बेटी कृतिका को पिछले साल फरवरी में क्वींस जॉन ब्राउन हाई स्कूल में अपने शिक्षकों को ईमेल के माध्यम से ‘आक्रामक और यौन धमकी’ भरे संदेश भेजने के कारण हिरासत में लिया गया था। न्यूयार्क के मेरिका में जिला न्यायालय के दक्षिणी जिले में कृतिका के वकील रवि बत्रा ने 118 पृष्ठों का मुकदमा दायर किया है जिसमें से 10 संघ पर और 16 न्यूयार्क राज्य पर आरोप हैं।टिप्पणियां इस मुकदमे में कम से कम 500,000 अमेरिकी डॉलर क्षतिपूर्ति के रूप में और 10 लाख अमेरिकी डॉलर दंडात्मक नुकसानों, अन्य राहत के रूप में देने की मांग की गयी है। मुकदमे में 11 को पक्ष बनाया गया है जिनमें न्यूयार्क शहर, शहर के शिक्षा विभाग और इसके कुछ अधिकारी, प्रिंसिपल और संबंद्ध शिक्षक एवं न्यूयार्क के पुलिस कमीश्नर रेमंड केली शामिल हैं। न्यूयार्क स्थित भारतीय महावाणिज्य दूतावास में उप वाणिज्य दूत देबाशीष विश्वास की 18 वर्षीय बेटी कृतिका को पिछले साल फरवरी में क्वींस जॉन ब्राउन हाई स्कूल में अपने शिक्षकों को ईमेल के माध्यम से ‘आक्रामक और यौन धमकी’ भरे संदेश भेजने के कारण हिरासत में लिया गया था। न्यूयार्क के मेरिका में जिला न्यायालय के दक्षिणी जिले में कृतिका के वकील रवि बत्रा ने 118 पृष्ठों का मुकदमा दायर किया है जिसमें से 10 संघ पर और 16 न्यूयार्क राज्य पर आरोप हैं।टिप्पणियां इस मुकदमे में कम से कम 500,000 अमेरिकी डॉलर क्षतिपूर्ति के रूप में और 10 लाख अमेरिकी डॉलर दंडात्मक नुकसानों, अन्य राहत के रूप में देने की मांग की गयी है। मुकदमे में 11 को पक्ष बनाया गया है जिनमें न्यूयार्क शहर, शहर के शिक्षा विभाग और इसके कुछ अधिकारी, प्रिंसिपल और संबंद्ध शिक्षक एवं न्यूयार्क के पुलिस कमीश्नर रेमंड केली शामिल हैं। न्यूयार्क के मेरिका में जिला न्यायालय के दक्षिणी जिले में कृतिका के वकील रवि बत्रा ने 118 पृष्ठों का मुकदमा दायर किया है जिसमें से 10 संघ पर और 16 न्यूयार्क राज्य पर आरोप हैं।टिप्पणियां इस मुकदमे में कम से कम 500,000 अमेरिकी डॉलर क्षतिपूर्ति के रूप में और 10 लाख अमेरिकी डॉलर दंडात्मक नुकसानों, अन्य राहत के रूप में देने की मांग की गयी है। मुकदमे में 11 को पक्ष बनाया गया है जिनमें न्यूयार्क शहर, शहर के शिक्षा विभाग और इसके कुछ अधिकारी, प्रिंसिपल और संबंद्ध शिक्षक एवं न्यूयार्क के पुलिस कमीश्नर रेमंड केली शामिल हैं। इस मुकदमे में कम से कम 500,000 अमेरिकी डॉलर क्षतिपूर्ति के रूप में और 10 लाख अमेरिकी डॉलर दंडात्मक नुकसानों, अन्य राहत के रूप में देने की मांग की गयी है। मुकदमे में 11 को पक्ष बनाया गया है जिनमें न्यूयार्क शहर, शहर के शिक्षा विभाग और इसके कुछ अधिकारी, प्रिंसिपल और संबंद्ध शिक्षक एवं न्यूयार्क के पुलिस कमीश्नर रेमंड केली शामिल हैं। मुकदमे में 11 को पक्ष बनाया गया है जिनमें न्यूयार्क शहर, शहर के शिक्षा विभाग और इसके कुछ अधिकारी, प्रिंसिपल और संबंद्ध शिक्षक एवं न्यूयार्क के पुलिस कमीश्नर रेमंड केली शामिल हैं।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: भारतीय राजनयिक की बेटी ने गलत तरीके से कारावास और स्कूल से निलंबन के कारण अपने स्कूल अधिकारियों से 15 लाख अमेरिकी डॉलर मुआवजे की मांग की है।
19
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: घरेलू विमानन कंपनी स्पाइसजेट के शेयर सोमवार को दोपहर के कारोबार में करीब 12.52 बजे 7.82 फीसदी गिरावट के साथ 18.85 रुपये पर कारोबार करते देखे गए। कंपनी के लेखापरीक्षकों ने पिछले दिनों कंपनी को हुए नुकसान और कंपनी के मूल्य (नेटवर्थ) को लेकर चिंता जताई थी। इसी वक्त बंबई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का 30 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 1.38 फीसदी गिरावट के साथ 19,455.83 पर कारोबार करते देखा गया। पिछले सप्ताह के आखिर में विमानन कंपनी के 2012-13 के सालाना रिपोर्ट में लेखापरीक्षक एसआर बाटलीबोई एंड एसोसिएट्स ने लिखा कि कंपनी का कुल नुकसान कंपनी के मूल्य से अधिक हो गया है।टिप्पणियां बीएसई में कंपनी के शेयरों ने सोमवार को 20.00 रुपये का ऊपरी और 18.75 रुपये का निचला स्तर छुआ। कंपनी के शेयर शुक्रवार को 20.45 रुपये पर बंद हुए थे। कंपनी देश के 42 शहरों और सात अंतरराष्ट्रीय शहरों के लिए रोजाना 330 उड़ानों का संचालन करती है। इसी वक्त बंबई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का 30 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 1.38 फीसदी गिरावट के साथ 19,455.83 पर कारोबार करते देखा गया। पिछले सप्ताह के आखिर में विमानन कंपनी के 2012-13 के सालाना रिपोर्ट में लेखापरीक्षक एसआर बाटलीबोई एंड एसोसिएट्स ने लिखा कि कंपनी का कुल नुकसान कंपनी के मूल्य से अधिक हो गया है।टिप्पणियां बीएसई में कंपनी के शेयरों ने सोमवार को 20.00 रुपये का ऊपरी और 18.75 रुपये का निचला स्तर छुआ। कंपनी के शेयर शुक्रवार को 20.45 रुपये पर बंद हुए थे। कंपनी देश के 42 शहरों और सात अंतरराष्ट्रीय शहरों के लिए रोजाना 330 उड़ानों का संचालन करती है। पिछले सप्ताह के आखिर में विमानन कंपनी के 2012-13 के सालाना रिपोर्ट में लेखापरीक्षक एसआर बाटलीबोई एंड एसोसिएट्स ने लिखा कि कंपनी का कुल नुकसान कंपनी के मूल्य से अधिक हो गया है।टिप्पणियां बीएसई में कंपनी के शेयरों ने सोमवार को 20.00 रुपये का ऊपरी और 18.75 रुपये का निचला स्तर छुआ। कंपनी के शेयर शुक्रवार को 20.45 रुपये पर बंद हुए थे। कंपनी देश के 42 शहरों और सात अंतरराष्ट्रीय शहरों के लिए रोजाना 330 उड़ानों का संचालन करती है। बीएसई में कंपनी के शेयरों ने सोमवार को 20.00 रुपये का ऊपरी और 18.75 रुपये का निचला स्तर छुआ। कंपनी के शेयर शुक्रवार को 20.45 रुपये पर बंद हुए थे। कंपनी देश के 42 शहरों और सात अंतरराष्ट्रीय शहरों के लिए रोजाना 330 उड़ानों का संचालन करती है। कंपनी देश के 42 शहरों और सात अंतरराष्ट्रीय शहरों के लिए रोजाना 330 उड़ानों का संचालन करती है।
यह एक सारांश है: घरेलू विमानन कंपनी स्पाइसजेट के शेयर सोमवार को दोपहर के कारोबार में करीब 12.52 बजे 7.82 फीसदी गिरावट के साथ 18.85 रुपये पर कारोबार करते देखे गए। कंपनी के लेखापरीक्षकों ने पिछले दिनों कंपनी को हुए नुकसान और कंपनी के मूल्य (नेटवर्थ) को लेकर चिंता जताई थी।
24
['hin']
एक सारांश बनाओ: त्रिपुरा में 60 सदस्यीय विधानसभा के लिए शांतिपूर्ण चुनाव में 93 फीसदी मतदान हुआ यानी 23,52,505 मतदाताओं ने वोट डाला। वर्ष 2008 में राज्य में हुए पिछले विधानसभा चुनाव में 92.6 फीसदी मतदान हुआ था। वाम मोर्चा को रिकॉर्ड बनाते हुए पांचवी बार सत्ता में लौटने की उम्मीद है। मुख्य मुकाबला वाम मोर्चा और कांग्रेस के बीच है।टिप्पणियां मुख्यमंत्री माणिक सरकार, वित्त मंत्री बादल चौधरी, उच्च शिक्षा मंत्री अनिल सरकार, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सुदीप राय बर्मन, पूर्व मुख्यमंत्री समीर रंजन बर्मन और इंडिनिजिनस नेशनलिस्ट पार्टी ऑफ त्रिपुरा के अध्यक्ष बिजल राखांवल उन 249 उम्मीदवारों में शामिल हैं जिनकी राजनीतिक तकदीर इवीएम में सील हो गई। पुलिस ने बताया कि खायेरपुर विधानसभा क्षेत्र में बोधजंगनगर में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के एक गश्ती दल ने पांच देशी बम बरामद किए। इसके अलावा राज्य के किसी भी हिस्से से किसी अप्रिय घटना की खबर नहीं है। कड़ी सुरक्षा के बीच सुबह सात बजे मतदान शुरू हुआ। वर्ष 2008 में राज्य में हुए पिछले विधानसभा चुनाव में 92.6 फीसदी मतदान हुआ था। वाम मोर्चा को रिकॉर्ड बनाते हुए पांचवी बार सत्ता में लौटने की उम्मीद है। मुख्य मुकाबला वाम मोर्चा और कांग्रेस के बीच है।टिप्पणियां मुख्यमंत्री माणिक सरकार, वित्त मंत्री बादल चौधरी, उच्च शिक्षा मंत्री अनिल सरकार, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सुदीप राय बर्मन, पूर्व मुख्यमंत्री समीर रंजन बर्मन और इंडिनिजिनस नेशनलिस्ट पार्टी ऑफ त्रिपुरा के अध्यक्ष बिजल राखांवल उन 249 उम्मीदवारों में शामिल हैं जिनकी राजनीतिक तकदीर इवीएम में सील हो गई। पुलिस ने बताया कि खायेरपुर विधानसभा क्षेत्र में बोधजंगनगर में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के एक गश्ती दल ने पांच देशी बम बरामद किए। इसके अलावा राज्य के किसी भी हिस्से से किसी अप्रिय घटना की खबर नहीं है। कड़ी सुरक्षा के बीच सुबह सात बजे मतदान शुरू हुआ। वाम मोर्चा को रिकॉर्ड बनाते हुए पांचवी बार सत्ता में लौटने की उम्मीद है। मुख्य मुकाबला वाम मोर्चा और कांग्रेस के बीच है।टिप्पणियां मुख्यमंत्री माणिक सरकार, वित्त मंत्री बादल चौधरी, उच्च शिक्षा मंत्री अनिल सरकार, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सुदीप राय बर्मन, पूर्व मुख्यमंत्री समीर रंजन बर्मन और इंडिनिजिनस नेशनलिस्ट पार्टी ऑफ त्रिपुरा के अध्यक्ष बिजल राखांवल उन 249 उम्मीदवारों में शामिल हैं जिनकी राजनीतिक तकदीर इवीएम में सील हो गई। पुलिस ने बताया कि खायेरपुर विधानसभा क्षेत्र में बोधजंगनगर में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के एक गश्ती दल ने पांच देशी बम बरामद किए। इसके अलावा राज्य के किसी भी हिस्से से किसी अप्रिय घटना की खबर नहीं है। कड़ी सुरक्षा के बीच सुबह सात बजे मतदान शुरू हुआ। मुख्यमंत्री माणिक सरकार, वित्त मंत्री बादल चौधरी, उच्च शिक्षा मंत्री अनिल सरकार, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सुदीप राय बर्मन, पूर्व मुख्यमंत्री समीर रंजन बर्मन और इंडिनिजिनस नेशनलिस्ट पार्टी ऑफ त्रिपुरा के अध्यक्ष बिजल राखांवल उन 249 उम्मीदवारों में शामिल हैं जिनकी राजनीतिक तकदीर इवीएम में सील हो गई। पुलिस ने बताया कि खायेरपुर विधानसभा क्षेत्र में बोधजंगनगर में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के एक गश्ती दल ने पांच देशी बम बरामद किए। इसके अलावा राज्य के किसी भी हिस्से से किसी अप्रिय घटना की खबर नहीं है। कड़ी सुरक्षा के बीच सुबह सात बजे मतदान शुरू हुआ। पुलिस ने बताया कि खायेरपुर विधानसभा क्षेत्र में बोधजंगनगर में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के एक गश्ती दल ने पांच देशी बम बरामद किए। इसके अलावा राज्य के किसी भी हिस्से से किसी अप्रिय घटना की खबर नहीं है। कड़ी सुरक्षा के बीच सुबह सात बजे मतदान शुरू हुआ।
सारांश: त्रिपुरा में 60 सदस्यीय विधानसभा के लिए शांतिपूर्ण चुनाव में 93 फीसदी मतदान हुआ यानी 23,52,505 मतदाताओं ने वोट डाला।
5
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: रेल मंत्री और तृणमूल कांग्रेस के नेता दिनेश त्रिवेदी देश में मध्यावधि चुनाव को लेकर दी गई अपनी टिप्पणी पर अब सफाई पेश करते नजर आ रहे हैं। उत्तर प्रदेश में चुनाव नतीजों के बाद त्रिवेदी ने कहा था कि सपा और तृणमूल भी चाहेंगी कि देश में मध्यावधि हो ताकि वे संसद में अपनी संख्या बढ़ा सकें। त्रिवेदी ने कहा, ‘एक व्यक्ति के तौर पर मुझे अभिव्यक्ति की आजादी एवं राजनीतिक स्थिति का विश्लेषण करने का अधिकार है।’ उन्होंने जोर दिया कि विचारों के आदान-प्रदान के एक मंच पर राय दी गई थी और राजनीतिक स्थिति पर कोई बयान नहीं दिया गया था।टिप्पणियां त्रिवेदी ने कहा, ‘राजनीति के एक विद्यार्थी के तौर पर मैं राजनीतिक स्थिति का विश्लेषण कर रहा था और इसका पार्टी अथवा संप्रग का हिस्सा होने से कोई लेना-देना नहीं था।’ रेल मंत्री ने कहा, ‘मैंने जो कहा, उस पर कायम हूं, लेकिन यह आपको समझना होगा कि यह बात विचारों के आदान-प्रदान के मंच पर की गई थी। मैंने मंत्री अथवा तृणमूल के सदस्य के तौर पर विचार व्यक्त नहीं किए थे। इसका अलग मतलब नहीं निकाला जाना चाहिए।’ एक अंग्रेजी अखबार से बातचीत में त्रिवेदी ने कहा, ‘विधानसभा चुनाव के नतीजों पर सिर्फ तृणमूल कांग्रेस ही नहीं, सपा भी आम चुनाव कराकर बहुत खुश होगी क्योंकि इससे संख्या में इजाफा होगा।’ तृणमूल प्रमुख ममता बनर्जी ने बजट सत्र से पहले त्रिवेदी की ओर से दिए गए बयान पर नाराजगी जताई थी। त्रिवेदी ने कहा, ‘एक व्यक्ति के तौर पर मुझे अभिव्यक्ति की आजादी एवं राजनीतिक स्थिति का विश्लेषण करने का अधिकार है।’ उन्होंने जोर दिया कि विचारों के आदान-प्रदान के एक मंच पर राय दी गई थी और राजनीतिक स्थिति पर कोई बयान नहीं दिया गया था।टिप्पणियां त्रिवेदी ने कहा, ‘राजनीति के एक विद्यार्थी के तौर पर मैं राजनीतिक स्थिति का विश्लेषण कर रहा था और इसका पार्टी अथवा संप्रग का हिस्सा होने से कोई लेना-देना नहीं था।’ रेल मंत्री ने कहा, ‘मैंने जो कहा, उस पर कायम हूं, लेकिन यह आपको समझना होगा कि यह बात विचारों के आदान-प्रदान के मंच पर की गई थी। मैंने मंत्री अथवा तृणमूल के सदस्य के तौर पर विचार व्यक्त नहीं किए थे। इसका अलग मतलब नहीं निकाला जाना चाहिए।’ एक अंग्रेजी अखबार से बातचीत में त्रिवेदी ने कहा, ‘विधानसभा चुनाव के नतीजों पर सिर्फ तृणमूल कांग्रेस ही नहीं, सपा भी आम चुनाव कराकर बहुत खुश होगी क्योंकि इससे संख्या में इजाफा होगा।’ तृणमूल प्रमुख ममता बनर्जी ने बजट सत्र से पहले त्रिवेदी की ओर से दिए गए बयान पर नाराजगी जताई थी। त्रिवेदी ने कहा, ‘राजनीति के एक विद्यार्थी के तौर पर मैं राजनीतिक स्थिति का विश्लेषण कर रहा था और इसका पार्टी अथवा संप्रग का हिस्सा होने से कोई लेना-देना नहीं था।’ रेल मंत्री ने कहा, ‘मैंने जो कहा, उस पर कायम हूं, लेकिन यह आपको समझना होगा कि यह बात विचारों के आदान-प्रदान के मंच पर की गई थी। मैंने मंत्री अथवा तृणमूल के सदस्य के तौर पर विचार व्यक्त नहीं किए थे। इसका अलग मतलब नहीं निकाला जाना चाहिए।’ एक अंग्रेजी अखबार से बातचीत में त्रिवेदी ने कहा, ‘विधानसभा चुनाव के नतीजों पर सिर्फ तृणमूल कांग्रेस ही नहीं, सपा भी आम चुनाव कराकर बहुत खुश होगी क्योंकि इससे संख्या में इजाफा होगा।’ तृणमूल प्रमुख ममता बनर्जी ने बजट सत्र से पहले त्रिवेदी की ओर से दिए गए बयान पर नाराजगी जताई थी। रेल मंत्री ने कहा, ‘मैंने जो कहा, उस पर कायम हूं, लेकिन यह आपको समझना होगा कि यह बात विचारों के आदान-प्रदान के मंच पर की गई थी। मैंने मंत्री अथवा तृणमूल के सदस्य के तौर पर विचार व्यक्त नहीं किए थे। इसका अलग मतलब नहीं निकाला जाना चाहिए।’ एक अंग्रेजी अखबार से बातचीत में त्रिवेदी ने कहा, ‘विधानसभा चुनाव के नतीजों पर सिर्फ तृणमूल कांग्रेस ही नहीं, सपा भी आम चुनाव कराकर बहुत खुश होगी क्योंकि इससे संख्या में इजाफा होगा।’ तृणमूल प्रमुख ममता बनर्जी ने बजट सत्र से पहले त्रिवेदी की ओर से दिए गए बयान पर नाराजगी जताई थी।
संक्षिप्त पाठ: रेल मंत्री और तृणमूल कांग्रेस के नेता दिनेश त्रिवेदी देश में मध्यावधि चुनाव को लेकर दी गई अपनी टिप्पणी पर अब सफाई पेश करते नजर आ रहे हैं।
27
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: केंद्रीय मंत्री एम वेंकैया नायडू ने गौरक्षा के नाम पर दलितों पर हुई हिंसा की मंगलवार को निंदा की, लेकिन साथ ही कहा कि धर्मांतरण करने से पूर्वाग्रहों का अंत नहीं होगा. कुछ दिन पहले उनके मंत्रिमंडल सहयोगी रामदास अठावले ने कहा था कि समुदाय के लोगों को दबाव या अपने साथ होने वाली हिंसा से बचने के लिए बौद्ध धर्म अपना लेना चाहिए. नायडू ने कहा कि हिन्दू धर्म भेदभाव की मंजूरी नहीं देता. उन्होंने कहा, 'कोई भी व्यक्ति जो दूसरे इंसान के साथ भेदभाव करता है, उसे कभी भी हिन्दू कहा जा सकता.' नायडू ने आईएएस टॉपर टीना डाबी को सम्मानित करने के लिए आयोजित एक कार्यक्रम के इतर संवाददाताओं से कहा, 'अगर आप गाय का सम्मान करते हैं तो यह अच्छा है, लेकिन दूसरे इंसानों को भी जीने का अधिकार है, अपना काम करने का अधिकार है.' अगर आप गाय का सम्मान करना चाहते हैं तो करें. इसमें कुछ गलत नहीं है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि आप इसके नाम पर किसी की हत्या कर दें. यह पूरी तरह गलत है.' टीना डाबी एक दलित हैं. गुजरात और मध्य प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों में गौ रक्षकों द्वारा दलितों पर हिंसा की घटनाओं को लेकर बीजेपी आलोचनाओं के घेरे में है. उन्होंने कहा कि कुछ लोगों ने सुझाया कि धर्मांतरण से इस समस्या का अंत हो सकता है लेकिन ऐसा नहीं हुआ. ऐसे मामले हैं जहां लोग ने बताया कि दूसरे धर्मों में भी उन्होंने ऐसी ही स्थिति का सामना किया. केंद्रीय मंत्री ने कहा, 'अब वे शिकायत कर रहे हैं कि उन्हें आरक्षण नहीं मिल रहा, क्योंकि संविधान धर्म के आधार पर आरक्षण नहीं देता.' ऐसी खबरें हैं कि पिछले हफ्ते तमिलनाडु के करूर क्षेत्र में एक मंदिर उत्सव में हिस्सा लेने से रोकने के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे कुछ दलित परिवारों ने इस्लाम धर्म अपनाने की धमकी दी.टिप्पणियां नायडू ने समानता पर जोर देते हुए कहा, 'भारत माता की जय का मतलब देश में रहने वाले सभी लोगों का गौरव है' और देश में रहने वाले लोग भारतीय हैं एवं हर पहलू से बराबर हैं.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) कुछ दिन पहले उनके मंत्रिमंडल सहयोगी रामदास अठावले ने कहा था कि समुदाय के लोगों को दबाव या अपने साथ होने वाली हिंसा से बचने के लिए बौद्ध धर्म अपना लेना चाहिए. नायडू ने कहा कि हिन्दू धर्म भेदभाव की मंजूरी नहीं देता. उन्होंने कहा, 'कोई भी व्यक्ति जो दूसरे इंसान के साथ भेदभाव करता है, उसे कभी भी हिन्दू कहा जा सकता.' नायडू ने आईएएस टॉपर टीना डाबी को सम्मानित करने के लिए आयोजित एक कार्यक्रम के इतर संवाददाताओं से कहा, 'अगर आप गाय का सम्मान करते हैं तो यह अच्छा है, लेकिन दूसरे इंसानों को भी जीने का अधिकार है, अपना काम करने का अधिकार है.' अगर आप गाय का सम्मान करना चाहते हैं तो करें. इसमें कुछ गलत नहीं है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि आप इसके नाम पर किसी की हत्या कर दें. यह पूरी तरह गलत है.' टीना डाबी एक दलित हैं. गुजरात और मध्य प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों में गौ रक्षकों द्वारा दलितों पर हिंसा की घटनाओं को लेकर बीजेपी आलोचनाओं के घेरे में है. उन्होंने कहा कि कुछ लोगों ने सुझाया कि धर्मांतरण से इस समस्या का अंत हो सकता है लेकिन ऐसा नहीं हुआ. ऐसे मामले हैं जहां लोग ने बताया कि दूसरे धर्मों में भी उन्होंने ऐसी ही स्थिति का सामना किया. केंद्रीय मंत्री ने कहा, 'अब वे शिकायत कर रहे हैं कि उन्हें आरक्षण नहीं मिल रहा, क्योंकि संविधान धर्म के आधार पर आरक्षण नहीं देता.' ऐसी खबरें हैं कि पिछले हफ्ते तमिलनाडु के करूर क्षेत्र में एक मंदिर उत्सव में हिस्सा लेने से रोकने के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे कुछ दलित परिवारों ने इस्लाम धर्म अपनाने की धमकी दी.टिप्पणियां नायडू ने समानता पर जोर देते हुए कहा, 'भारत माता की जय का मतलब देश में रहने वाले सभी लोगों का गौरव है' और देश में रहने वाले लोग भारतीय हैं एवं हर पहलू से बराबर हैं.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) उन्होंने कहा, 'कोई भी व्यक्ति जो दूसरे इंसान के साथ भेदभाव करता है, उसे कभी भी हिन्दू कहा जा सकता.' नायडू ने आईएएस टॉपर टीना डाबी को सम्मानित करने के लिए आयोजित एक कार्यक्रम के इतर संवाददाताओं से कहा, 'अगर आप गाय का सम्मान करते हैं तो यह अच्छा है, लेकिन दूसरे इंसानों को भी जीने का अधिकार है, अपना काम करने का अधिकार है.' अगर आप गाय का सम्मान करना चाहते हैं तो करें. इसमें कुछ गलत नहीं है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि आप इसके नाम पर किसी की हत्या कर दें. यह पूरी तरह गलत है.' टीना डाबी एक दलित हैं. गुजरात और मध्य प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों में गौ रक्षकों द्वारा दलितों पर हिंसा की घटनाओं को लेकर बीजेपी आलोचनाओं के घेरे में है. उन्होंने कहा कि कुछ लोगों ने सुझाया कि धर्मांतरण से इस समस्या का अंत हो सकता है लेकिन ऐसा नहीं हुआ. ऐसे मामले हैं जहां लोग ने बताया कि दूसरे धर्मों में भी उन्होंने ऐसी ही स्थिति का सामना किया. केंद्रीय मंत्री ने कहा, 'अब वे शिकायत कर रहे हैं कि उन्हें आरक्षण नहीं मिल रहा, क्योंकि संविधान धर्म के आधार पर आरक्षण नहीं देता.' ऐसी खबरें हैं कि पिछले हफ्ते तमिलनाडु के करूर क्षेत्र में एक मंदिर उत्सव में हिस्सा लेने से रोकने के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे कुछ दलित परिवारों ने इस्लाम धर्म अपनाने की धमकी दी.टिप्पणियां नायडू ने समानता पर जोर देते हुए कहा, 'भारत माता की जय का मतलब देश में रहने वाले सभी लोगों का गौरव है' और देश में रहने वाले लोग भारतीय हैं एवं हर पहलू से बराबर हैं.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) अगर आप गाय का सम्मान करना चाहते हैं तो करें. इसमें कुछ गलत नहीं है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि आप इसके नाम पर किसी की हत्या कर दें. यह पूरी तरह गलत है.' टीना डाबी एक दलित हैं. गुजरात और मध्य प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों में गौ रक्षकों द्वारा दलितों पर हिंसा की घटनाओं को लेकर बीजेपी आलोचनाओं के घेरे में है. उन्होंने कहा कि कुछ लोगों ने सुझाया कि धर्मांतरण से इस समस्या का अंत हो सकता है लेकिन ऐसा नहीं हुआ. ऐसे मामले हैं जहां लोग ने बताया कि दूसरे धर्मों में भी उन्होंने ऐसी ही स्थिति का सामना किया. केंद्रीय मंत्री ने कहा, 'अब वे शिकायत कर रहे हैं कि उन्हें आरक्षण नहीं मिल रहा, क्योंकि संविधान धर्म के आधार पर आरक्षण नहीं देता.' ऐसी खबरें हैं कि पिछले हफ्ते तमिलनाडु के करूर क्षेत्र में एक मंदिर उत्सव में हिस्सा लेने से रोकने के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे कुछ दलित परिवारों ने इस्लाम धर्म अपनाने की धमकी दी.टिप्पणियां नायडू ने समानता पर जोर देते हुए कहा, 'भारत माता की जय का मतलब देश में रहने वाले सभी लोगों का गौरव है' और देश में रहने वाले लोग भारतीय हैं एवं हर पहलू से बराबर हैं.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) गुजरात और मध्य प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों में गौ रक्षकों द्वारा दलितों पर हिंसा की घटनाओं को लेकर बीजेपी आलोचनाओं के घेरे में है. उन्होंने कहा कि कुछ लोगों ने सुझाया कि धर्मांतरण से इस समस्या का अंत हो सकता है लेकिन ऐसा नहीं हुआ. ऐसे मामले हैं जहां लोग ने बताया कि दूसरे धर्मों में भी उन्होंने ऐसी ही स्थिति का सामना किया. केंद्रीय मंत्री ने कहा, 'अब वे शिकायत कर रहे हैं कि उन्हें आरक्षण नहीं मिल रहा, क्योंकि संविधान धर्म के आधार पर आरक्षण नहीं देता.' ऐसी खबरें हैं कि पिछले हफ्ते तमिलनाडु के करूर क्षेत्र में एक मंदिर उत्सव में हिस्सा लेने से रोकने के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे कुछ दलित परिवारों ने इस्लाम धर्म अपनाने की धमकी दी.टिप्पणियां नायडू ने समानता पर जोर देते हुए कहा, 'भारत माता की जय का मतलब देश में रहने वाले सभी लोगों का गौरव है' और देश में रहने वाले लोग भारतीय हैं एवं हर पहलू से बराबर हैं.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) केंद्रीय मंत्री ने कहा, 'अब वे शिकायत कर रहे हैं कि उन्हें आरक्षण नहीं मिल रहा, क्योंकि संविधान धर्म के आधार पर आरक्षण नहीं देता.' ऐसी खबरें हैं कि पिछले हफ्ते तमिलनाडु के करूर क्षेत्र में एक मंदिर उत्सव में हिस्सा लेने से रोकने के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे कुछ दलित परिवारों ने इस्लाम धर्म अपनाने की धमकी दी.टिप्पणियां नायडू ने समानता पर जोर देते हुए कहा, 'भारत माता की जय का मतलब देश में रहने वाले सभी लोगों का गौरव है' और देश में रहने वाले लोग भारतीय हैं एवं हर पहलू से बराबर हैं.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) नायडू ने समानता पर जोर देते हुए कहा, 'भारत माता की जय का मतलब देश में रहने वाले सभी लोगों का गौरव है' और देश में रहने वाले लोग भारतीय हैं एवं हर पहलू से बराबर हैं.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
हाल में रामदास अठावले ने कहा था, हिंसा से बचने के लिए बौद्ध धर्म अपना लें 'आप गाय का सम्मान करना चाहते हैं तो करें, लेकिन किसी की हत्या न करें' भारत माता की जय का मतलब देश में रहने वाले सभी लोगों का गौरव है
1
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद के अध्यक्ष सी रंगराजन ने बुधवार को कहा कि सकल घरेलू उत्पाद के मुकाबले कर अनुपात बढ़ाने के लिए अमीरों पर ऊंची दर से कर लगाया जाना चाहिए। रंगराजन ने यहां भारतीय सांख्यिकी संस्थान (आईएसआई) के दीक्षांत समारोह के अवसर पर कहा ‘‘एक विकल्प है अमीरों पर कर की मौजूदा मार्जिनल दर को बढ़ाया जाए। हमें सकल घरेलू उत्पाद यानी जीडीपी के मुकाबले कर अनुपात बढ़ाने की जरूरत है ताकि बढ़ती मांग और खर्च जरूरत पूरी हो सके।’’ उन्होंने कहा कि मौजूदा कर ढांचा उपयुक्त है। रंगराजन ने कहा कि दूसरा विकल्प है मौजूदा ढांचे में ही अमीरों पर अतिरिक्त अधिभार लगाया जाए। मौजूदा कर ढांचे में कर की सबसे ऊंची दर 30 फीसद है।टिप्पणियां सकल घरेलू उत्पाद की वृद्धि दर के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा कि चालू वित्त वर्ष के दौरान यह करीब छह फीसद रह सकती है जबकि अगले वित्त वर्ष में सात फीसद तक होगी। दीक्षांत समारोह में अपने संबोधन में रंगराजन ने कहा कि विश्व अर्थव्यवस्था मुश्किल दौर से गुजर रही है और सुधार प्रक्रिया या तो धीमी है या फिर रुकी हुई है। रंगराजन ने यहां भारतीय सांख्यिकी संस्थान (आईएसआई) के दीक्षांत समारोह के अवसर पर कहा ‘‘एक विकल्प है अमीरों पर कर की मौजूदा मार्जिनल दर को बढ़ाया जाए। हमें सकल घरेलू उत्पाद यानी जीडीपी के मुकाबले कर अनुपात बढ़ाने की जरूरत है ताकि बढ़ती मांग और खर्च जरूरत पूरी हो सके।’’ उन्होंने कहा कि मौजूदा कर ढांचा उपयुक्त है। रंगराजन ने कहा कि दूसरा विकल्प है मौजूदा ढांचे में ही अमीरों पर अतिरिक्त अधिभार लगाया जाए। मौजूदा कर ढांचे में कर की सबसे ऊंची दर 30 फीसद है।टिप्पणियां सकल घरेलू उत्पाद की वृद्धि दर के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा कि चालू वित्त वर्ष के दौरान यह करीब छह फीसद रह सकती है जबकि अगले वित्त वर्ष में सात फीसद तक होगी। दीक्षांत समारोह में अपने संबोधन में रंगराजन ने कहा कि विश्व अर्थव्यवस्था मुश्किल दौर से गुजर रही है और सुधार प्रक्रिया या तो धीमी है या फिर रुकी हुई है। उन्होंने कहा कि मौजूदा कर ढांचा उपयुक्त है। रंगराजन ने कहा कि दूसरा विकल्प है मौजूदा ढांचे में ही अमीरों पर अतिरिक्त अधिभार लगाया जाए। मौजूदा कर ढांचे में कर की सबसे ऊंची दर 30 फीसद है।टिप्पणियां सकल घरेलू उत्पाद की वृद्धि दर के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा कि चालू वित्त वर्ष के दौरान यह करीब छह फीसद रह सकती है जबकि अगले वित्त वर्ष में सात फीसद तक होगी। दीक्षांत समारोह में अपने संबोधन में रंगराजन ने कहा कि विश्व अर्थव्यवस्था मुश्किल दौर से गुजर रही है और सुधार प्रक्रिया या तो धीमी है या फिर रुकी हुई है। सकल घरेलू उत्पाद की वृद्धि दर के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा कि चालू वित्त वर्ष के दौरान यह करीब छह फीसद रह सकती है जबकि अगले वित्त वर्ष में सात फीसद तक होगी। दीक्षांत समारोह में अपने संबोधन में रंगराजन ने कहा कि विश्व अर्थव्यवस्था मुश्किल दौर से गुजर रही है और सुधार प्रक्रिया या तो धीमी है या फिर रुकी हुई है। दीक्षांत समारोह में अपने संबोधन में रंगराजन ने कहा कि विश्व अर्थव्यवस्था मुश्किल दौर से गुजर रही है और सुधार प्रक्रिया या तो धीमी है या फिर रुकी हुई है।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद के अध्यक्ष सी रंगराजन ने बुधवार को कहा कि सकल घरेलू उत्पाद के मुकाबले कर अनुपात बढ़ाने के लिए अमीरों पर ऊंची दर से कर लगाया जाना चाहिए।
19
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: उन्होंने कहा, 'राज्य के एक दौरे के दौरान एक किसान ने कीट संक्रमित नींबू का पौधा दिखाया. यह पौधा कीटनाशक बनाने के लिए उपयोग किया जाता है, लेकिन यह खुद ही कीट के हमले के गिरफ्त में आ गया था. किसान ने मुझसे कहा कि जीवन में पहली बार उसने नींबू के पौधे को संक्रमित होते देखा है, जबकि इसके पौधे कीटनाशक बनाने के लिए तैयार किए जाते रहे हैं. मैंने उससे कहा कि अब दिन बदल गए हैं. चौकीदार ही चोर बन गए हैं.' उन्होंने मराठी में बोलते हुए 'पाहरेकरी' शब्द का उपयोग किया जिसका अर्थ चौकीदार भी होता है. ठाकरे का राजनीतिक दल शिवसेना केंद्र और महाराष्ट्र में भाजपा के साथ सरकार में शामिल है. उद्धव ठाकरे ने वैसे तो किसी का नाम नहीं लिया, लेकिन उनके बयान का महत्व किसी से छिपा नहीं है.  इसके अलावा शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने हाल के विधानसभा चुनाव के नतीजों को लेकर भी भाजपा पर निशाना साधा. उद्धव ठाकरे ने राफेल सौदे में कथित भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाकर वरिष्ठ सहयोगी भाजपा पर निशाना साधा और कहा कि 'विश्वविजेता' बनने की पार्टी की धारणा हाल के विधानसभा चुनावों के नतीजे से चकनाचूर हो गई. अयोध्या में विवादित स्थान पर राममंदिर के निर्माण के वास्ते दबाव बनाने के लिए पिछले महीने अयोध्या की यात्रा करने वाले ठाकरे ने कहा कि वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकसभा क्षेत्र वाराणसी की शीघ्र यात्रा कर सकते हैं.  विभिन्न मुद्दों पर मोदी सरकार को लगातार निशाने पर लेते रहे ठाकरे ने कहा कि वह पहले ही निर्णय ले चुके हैं कि आगामी आम चुनाव में भाजपा के साथ गठबंधन किया जाए या नहीं. शिवसेना प्रमुख ने जनवरी में घोषणा की थी कि उनकी पार्टी सभी भावी लोकसभा और विधानसभा चुनाव अपने अकेले बलबूते पर लड़ेगी. पिछले छह महीने के दौरान भाजपा नेतृत्व आगामी चुनावों में शिवसेना के साथ गठजोड़ पर जोर देती रही है.  उन्होंने कहा, 'विश्वविजेता' बनने की भाजपा की धारणा पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों के नतीजे से चकनाचूर हो गई. मिजोरम और तेलंगाना विधानसभा के नतीजों ने स्पष्ट संदेश दिया है कि मतदाताओं ने राष्ट्रीय दलों को नकार दिया है और मजबूत क्षेत्रीय दलों को चुना है. ठाकरे ने 2019 के आम चुनाव के लिए बिहार में जदयू, लोजपा और भाजपा के बीच सीटों के बंटवारे को अंतिम दे दिये जाने पर टिप्पणी करते हुए कहा, '(जेडीयू प्रमुख) नीतीश कुमार और (लोजपा प्रमुख) राम विलास पासवान को राममंदिर और हिंदुत्व पर अपनी राय घोषित करनी चाहिए.'
शिवसेना प्रमुख बोले, आजकल 'चौकीदार ही चोर है' राहुल गांधी इस नारे से मोदी सरकार को घेरते रहे हैं विधानसभा चुनाव के नतीजों पर भी BJP पर निशाना साधा
34
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: बांग्लादेश के आलराउंडर नासिर हुसैन भारत के खिलाफ 16 मार्च को होने वाले एशिया कप मैच के लिए बेहद उत्साहित हैं और उन्होंने कहा कि उनकी टीम अपने मजबूत प्रतिद्वंद्वी को 265 रन के अंदर रोकने की कोशिश करेगा।टिप्पणियां नासिर ने कहा, ‘हम भारत के खिलाफ होने वाले अगले मैच के प्रति आश्वस्त है और इस मैच में अच्छे परिणाम के बारे में सोच रहे हैं यदि हम भारत को 260 या 265 रन के अंदर रोक देते हैं तो यह अच्छा मैच होगा। हम ऐसा कर सकते हैं।’ बांग्लादेश को पहले मैच में पाकिस्तान से 21 रन से हार झेलनी पड़ी। नासिर से जब सचिन तेंदुलकर के 100वें अंतरराष्ट्रीय शतक के बारे में पूछा गया, उन्होंने कहा, ‘एक अच्छी गेंद प्रत्येक के लिये अच्छी गेंद होती है चाहे तेंदुलकर उसे खेल रहा हो या नहीं।’ तेंदुलकर श्रीलंका के खिलाफ पहले मैच में सस्ते में आउट हो गये थे। नासिर ने कहा, ‘हम भारत के खिलाफ होने वाले अगले मैच के प्रति आश्वस्त है और इस मैच में अच्छे परिणाम के बारे में सोच रहे हैं यदि हम भारत को 260 या 265 रन के अंदर रोक देते हैं तो यह अच्छा मैच होगा। हम ऐसा कर सकते हैं।’ बांग्लादेश को पहले मैच में पाकिस्तान से 21 रन से हार झेलनी पड़ी। नासिर से जब सचिन तेंदुलकर के 100वें अंतरराष्ट्रीय शतक के बारे में पूछा गया, उन्होंने कहा, ‘एक अच्छी गेंद प्रत्येक के लिये अच्छी गेंद होती है चाहे तेंदुलकर उसे खेल रहा हो या नहीं।’ तेंदुलकर श्रीलंका के खिलाफ पहले मैच में सस्ते में आउट हो गये थे। बांग्लादेश को पहले मैच में पाकिस्तान से 21 रन से हार झेलनी पड़ी। नासिर से जब सचिन तेंदुलकर के 100वें अंतरराष्ट्रीय शतक के बारे में पूछा गया, उन्होंने कहा, ‘एक अच्छी गेंद प्रत्येक के लिये अच्छी गेंद होती है चाहे तेंदुलकर उसे खेल रहा हो या नहीं।’ तेंदुलकर श्रीलंका के खिलाफ पहले मैच में सस्ते में आउट हो गये थे।
बांग्लादेश के आलराउंडर नासिर हुसैन भारत के खिलाफ 16 मार्च को होने वाले एशिया कप मैच के लिए बेहद उत्साहित हैं और उन्होंने कहा कि उनकी टीम अपने मजबूत प्रतिद्वंद्वी को 265 रन के अंदर रोकने की कोशिश करेगा।
28
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: वर्ल्ड चैम्पियन पाकिस्तानी मूल के ब्रिटिश बॉक्सर आमिर खान की मॉडल पत्नी फरयाल मखदूम ने अपने ससुराल वालों पर घरेलू हिंसा के आरोप लगाए हैं. उनका आरोप है कि आमिर के पेरेंट्स उन्हें बुरी तरह पीटते हैं और उनकी शादी को तुड़वाना चाहते हैं. मीडिया में छपी रिपोर्ट्स के मुताबिक, फरयाल का आरोप है कि उनके ससुराल वाले उनके कपड़ों को लेकर कमेंट करते हैं और उन्हें गैर-इस्लामी कहकर मारपीट करते हैं और कहते हैं कि सोशल मीडिया पर मैं अपने फोटो न डालूं. फरयाल ने सोशल मीडिया पर अपना दर्द बयां किया और कहा कि उन्‍हें मानसिक और शारीरिक तौर पर लगातार तंग किया जा रहा है. उन्‍होंने कहा, 'मेरे सिर पर टीवी का रिमोट मारा. आमिर की बहन मेरे कपड़ों को लेकर मेरे साथ मारपीट करती हैं. प्रेग्नेंट होने के बावजूद मेरे साथ ज्यादती की जाती रही, मैं और चुप नहीं रह सकती.' हालांकि उन्होंने आमिर को लेकर कहा कि वह हमेशा मेरा साथ देते हैं. उन्होंने कभी भी मेरी ड्रेस को लेकर कुछ नहीं कहा. इस मामले को आमिर ने दुर्भाग्यपूर्ण बताया है और कहा है कि इससे परिवार की छवि को नुकसान हो रहा है, इसे बंद होना चाहिए. टिप्पणियां वहीं आमिर के माता-पिता का कहना है कि हम फरयाल को बेटी की तरह मानते हैं. हमने फरयाल के कपड़ों को लेकर आमिर से भी बात की थी. हम सिर्फ इतना चाहते हैं कि वह दुपट्टा पहने. हम नहीं जानते कि वह दूसरे आरोप क्यों लगा रही हैं. यहीं नहीं फरयाल ने सोशल मीडिया पर आमिर के दूसरे भाई की नग्न फोटो की तस्वीर के साथ लिखा कि ये लोग दोगला व्यवहार करते हैं. इनका दूसरा बेटा शराब के नशे में लड़की के घर इस तरह से है. बेटी दुप्पट्टा नहीं ओढ़तीं. ये अपना खून है इसलिए सबकुछ ठीक है. क्योंकि मैं बहू हूं इसलिए मेरे साथ ऐसा किया जा रहा है. हालांकि इस तस्वीर को जारी करने के बाद फरयाल ने माफी मांगी और कहा कि मैं काफी तनाव और गुस्से में थी.   हालांकि बॉक्सर आमिर इस पूरे विवाद का जल्द-जल्द निपटारा चाह रहे हैं. ताकि उनकी प्रोफेशनल और निजी जिंदगी में आया भूचाल थम सके. मीडिया में छपी रिपोर्ट्स के मुताबिक, फरयाल का आरोप है कि उनके ससुराल वाले उनके कपड़ों को लेकर कमेंट करते हैं और उन्हें गैर-इस्लामी कहकर मारपीट करते हैं और कहते हैं कि सोशल मीडिया पर मैं अपने फोटो न डालूं. फरयाल ने सोशल मीडिया पर अपना दर्द बयां किया और कहा कि उन्‍हें मानसिक और शारीरिक तौर पर लगातार तंग किया जा रहा है. उन्‍होंने कहा, 'मेरे सिर पर टीवी का रिमोट मारा. आमिर की बहन मेरे कपड़ों को लेकर मेरे साथ मारपीट करती हैं. प्रेग्नेंट होने के बावजूद मेरे साथ ज्यादती की जाती रही, मैं और चुप नहीं रह सकती.' हालांकि उन्होंने आमिर को लेकर कहा कि वह हमेशा मेरा साथ देते हैं. उन्होंने कभी भी मेरी ड्रेस को लेकर कुछ नहीं कहा. इस मामले को आमिर ने दुर्भाग्यपूर्ण बताया है और कहा है कि इससे परिवार की छवि को नुकसान हो रहा है, इसे बंद होना चाहिए. टिप्पणियां वहीं आमिर के माता-पिता का कहना है कि हम फरयाल को बेटी की तरह मानते हैं. हमने फरयाल के कपड़ों को लेकर आमिर से भी बात की थी. हम सिर्फ इतना चाहते हैं कि वह दुपट्टा पहने. हम नहीं जानते कि वह दूसरे आरोप क्यों लगा रही हैं. यहीं नहीं फरयाल ने सोशल मीडिया पर आमिर के दूसरे भाई की नग्न फोटो की तस्वीर के साथ लिखा कि ये लोग दोगला व्यवहार करते हैं. इनका दूसरा बेटा शराब के नशे में लड़की के घर इस तरह से है. बेटी दुप्पट्टा नहीं ओढ़तीं. ये अपना खून है इसलिए सबकुछ ठीक है. क्योंकि मैं बहू हूं इसलिए मेरे साथ ऐसा किया जा रहा है. हालांकि इस तस्वीर को जारी करने के बाद फरयाल ने माफी मांगी और कहा कि मैं काफी तनाव और गुस्से में थी.   हालांकि बॉक्सर आमिर इस पूरे विवाद का जल्द-जल्द निपटारा चाह रहे हैं. ताकि उनकी प्रोफेशनल और निजी जिंदगी में आया भूचाल थम सके. फरयाल ने सोशल मीडिया पर अपना दर्द बयां किया और कहा कि उन्‍हें मानसिक और शारीरिक तौर पर लगातार तंग किया जा रहा है. उन्‍होंने कहा, 'मेरे सिर पर टीवी का रिमोट मारा. आमिर की बहन मेरे कपड़ों को लेकर मेरे साथ मारपीट करती हैं. प्रेग्नेंट होने के बावजूद मेरे साथ ज्यादती की जाती रही, मैं और चुप नहीं रह सकती.' हालांकि उन्होंने आमिर को लेकर कहा कि वह हमेशा मेरा साथ देते हैं. उन्होंने कभी भी मेरी ड्रेस को लेकर कुछ नहीं कहा. इस मामले को आमिर ने दुर्भाग्यपूर्ण बताया है और कहा है कि इससे परिवार की छवि को नुकसान हो रहा है, इसे बंद होना चाहिए. टिप्पणियां वहीं आमिर के माता-पिता का कहना है कि हम फरयाल को बेटी की तरह मानते हैं. हमने फरयाल के कपड़ों को लेकर आमिर से भी बात की थी. हम सिर्फ इतना चाहते हैं कि वह दुपट्टा पहने. हम नहीं जानते कि वह दूसरे आरोप क्यों लगा रही हैं. यहीं नहीं फरयाल ने सोशल मीडिया पर आमिर के दूसरे भाई की नग्न फोटो की तस्वीर के साथ लिखा कि ये लोग दोगला व्यवहार करते हैं. इनका दूसरा बेटा शराब के नशे में लड़की के घर इस तरह से है. बेटी दुप्पट्टा नहीं ओढ़तीं. ये अपना खून है इसलिए सबकुछ ठीक है. क्योंकि मैं बहू हूं इसलिए मेरे साथ ऐसा किया जा रहा है. हालांकि इस तस्वीर को जारी करने के बाद फरयाल ने माफी मांगी और कहा कि मैं काफी तनाव और गुस्से में थी.   हालांकि बॉक्सर आमिर इस पूरे विवाद का जल्द-जल्द निपटारा चाह रहे हैं. ताकि उनकी प्रोफेशनल और निजी जिंदगी में आया भूचाल थम सके. इस मामले को आमिर ने दुर्भाग्यपूर्ण बताया है और कहा है कि इससे परिवार की छवि को नुकसान हो रहा है, इसे बंद होना चाहिए. टिप्पणियां वहीं आमिर के माता-पिता का कहना है कि हम फरयाल को बेटी की तरह मानते हैं. हमने फरयाल के कपड़ों को लेकर आमिर से भी बात की थी. हम सिर्फ इतना चाहते हैं कि वह दुपट्टा पहने. हम नहीं जानते कि वह दूसरे आरोप क्यों लगा रही हैं. यहीं नहीं फरयाल ने सोशल मीडिया पर आमिर के दूसरे भाई की नग्न फोटो की तस्वीर के साथ लिखा कि ये लोग दोगला व्यवहार करते हैं. इनका दूसरा बेटा शराब के नशे में लड़की के घर इस तरह से है. बेटी दुप्पट्टा नहीं ओढ़तीं. ये अपना खून है इसलिए सबकुछ ठीक है. क्योंकि मैं बहू हूं इसलिए मेरे साथ ऐसा किया जा रहा है. हालांकि इस तस्वीर को जारी करने के बाद फरयाल ने माफी मांगी और कहा कि मैं काफी तनाव और गुस्से में थी.   हालांकि बॉक्सर आमिर इस पूरे विवाद का जल्द-जल्द निपटारा चाह रहे हैं. ताकि उनकी प्रोफेशनल और निजी जिंदगी में आया भूचाल थम सके. वहीं आमिर के माता-पिता का कहना है कि हम फरयाल को बेटी की तरह मानते हैं. हमने फरयाल के कपड़ों को लेकर आमिर से भी बात की थी. हम सिर्फ इतना चाहते हैं कि वह दुपट्टा पहने. हम नहीं जानते कि वह दूसरे आरोप क्यों लगा रही हैं. यहीं नहीं फरयाल ने सोशल मीडिया पर आमिर के दूसरे भाई की नग्न फोटो की तस्वीर के साथ लिखा कि ये लोग दोगला व्यवहार करते हैं. इनका दूसरा बेटा शराब के नशे में लड़की के घर इस तरह से है. बेटी दुप्पट्टा नहीं ओढ़तीं. ये अपना खून है इसलिए सबकुछ ठीक है. क्योंकि मैं बहू हूं इसलिए मेरे साथ ऐसा किया जा रहा है. हालांकि इस तस्वीर को जारी करने के बाद फरयाल ने माफी मांगी और कहा कि मैं काफी तनाव और गुस्से में थी.   हालांकि बॉक्सर आमिर इस पूरे विवाद का जल्द-जल्द निपटारा चाह रहे हैं. ताकि उनकी प्रोफेशनल और निजी जिंदगी में आया भूचाल थम सके. यहीं नहीं फरयाल ने सोशल मीडिया पर आमिर के दूसरे भाई की नग्न फोटो की तस्वीर के साथ लिखा कि ये लोग दोगला व्यवहार करते हैं. इनका दूसरा बेटा शराब के नशे में लड़की के घर इस तरह से है. बेटी दुप्पट्टा नहीं ओढ़तीं. ये अपना खून है इसलिए सबकुछ ठीक है. क्योंकि मैं बहू हूं इसलिए मेरे साथ ऐसा किया जा रहा है. हालांकि इस तस्वीर को जारी करने के बाद फरयाल ने माफी मांगी और कहा कि मैं काफी तनाव और गुस्से में थी.   हालांकि बॉक्सर आमिर इस पूरे विवाद का जल्द-जल्द निपटारा चाह रहे हैं. ताकि उनकी प्रोफेशनल और निजी जिंदगी में आया भूचाल थम सके.
यह एक सारांश है: मॉडर्न कपड़ों को लेकर सिर पर रिमोट मारा प्रेग्नेंट होने के बावजूद तंग किया गया आमिर ने मुझे हर मामले में सपोर्ट किया
9
['hin']
एक सारांश बनाओ: आम आदमी पार्टी के होर्डिंग में बीजेपी नेता विजेंद्र गुप्ता की फोटो लगाने का विवाद बढ़ता ही जा रहा है. अब बीजेपी नेता विजेंद्र गुप्ता ने आम आदमी के मुखिया अरविंद केजरीवाल को कानूनी नोटिस भेजकर कहा है कि अगर 48 घंटे के भीतर उन्होंने होर्डिंग से विजेंद्र गुप्ता की खराब की हुई तस्वीर नहीं हटाई तो वे कानूनी कार्रवाई करेंगे. दरअसल जब आम आदमी पार्टी ने अपने चुनाव प्रचार वाले होर्डिंग में विजेंद्र गुप्ता की तस्वीर लगाई तभी से उन्होंने कहा कि वह तस्वीर खराब करके लगाई गई और वह उनकी छवि खराब करती है. विजेंद्र गुप्ता ने चुनाव आयोग से शिकायत की तो चुनाव आयोग ने आम आदमी पार्टी को सुधारात्मक कार्रवाई करने का आदेश दिया. आम आदमी पार्टी ने कहा ''हमने कोई गलती नहीं की. जो तस्वीर लगाई वह इंटरनेट पर आसानी से उपलब्ध है और अगर विजेंद्र गुप्ता को पसंद नहीं तो दूसरी भिजवा दें, हम वह लगा देंगे.''टिप्पणियां यही नहीं आम आदमी पार्टी के दिल्ली प्रदेश संयोजक दिलीप पांडेय ने विजेंद्र गुप्ता को चिट्ठी लिखकर मजाकिया लहजे में कहा कि ''अगर आप चुनाव आयोग से ऐसी शिकायत करेंगे तो हमें मजबूरन विजय गोयल की फोटो लगानी पड़ेगी फिर मत कहिएगा.'' इससे विजेंद्र गुप्ता ने नाराज़ होकर फिर चुनाव आयोग को चिट्ठी लिख दी लेकिन शायद जब आयोग की तरफ से कुछ कार्रवाई होती नहीं दिखी तो उन्होंने कानून का रास्ता अपनाया और केजरीवाल को लीगल नोटिस भिजवा दिया. दरअसल जब आम आदमी पार्टी ने अपने चुनाव प्रचार वाले होर्डिंग में विजेंद्र गुप्ता की तस्वीर लगाई तभी से उन्होंने कहा कि वह तस्वीर खराब करके लगाई गई और वह उनकी छवि खराब करती है. विजेंद्र गुप्ता ने चुनाव आयोग से शिकायत की तो चुनाव आयोग ने आम आदमी पार्टी को सुधारात्मक कार्रवाई करने का आदेश दिया. आम आदमी पार्टी ने कहा ''हमने कोई गलती नहीं की. जो तस्वीर लगाई वह इंटरनेट पर आसानी से उपलब्ध है और अगर विजेंद्र गुप्ता को पसंद नहीं तो दूसरी भिजवा दें, हम वह लगा देंगे.''टिप्पणियां यही नहीं आम आदमी पार्टी के दिल्ली प्रदेश संयोजक दिलीप पांडेय ने विजेंद्र गुप्ता को चिट्ठी लिखकर मजाकिया लहजे में कहा कि ''अगर आप चुनाव आयोग से ऐसी शिकायत करेंगे तो हमें मजबूरन विजय गोयल की फोटो लगानी पड़ेगी फिर मत कहिएगा.'' इससे विजेंद्र गुप्ता ने नाराज़ होकर फिर चुनाव आयोग को चिट्ठी लिख दी लेकिन शायद जब आयोग की तरफ से कुछ कार्रवाई होती नहीं दिखी तो उन्होंने कानून का रास्ता अपनाया और केजरीवाल को लीगल नोटिस भिजवा दिया. यही नहीं आम आदमी पार्टी के दिल्ली प्रदेश संयोजक दिलीप पांडेय ने विजेंद्र गुप्ता को चिट्ठी लिखकर मजाकिया लहजे में कहा कि ''अगर आप चुनाव आयोग से ऐसी शिकायत करेंगे तो हमें मजबूरन विजय गोयल की फोटो लगानी पड़ेगी फिर मत कहिएगा.'' इससे विजेंद्र गुप्ता ने नाराज़ होकर फिर चुनाव आयोग को चिट्ठी लिख दी लेकिन शायद जब आयोग की तरफ से कुछ कार्रवाई होती नहीं दिखी तो उन्होंने कानून का रास्ता अपनाया और केजरीवाल को लीगल नोटिस भिजवा दिया. इससे विजेंद्र गुप्ता ने नाराज़ होकर फिर चुनाव आयोग को चिट्ठी लिख दी लेकिन शायद जब आयोग की तरफ से कुछ कार्रवाई होती नहीं दिखी तो उन्होंने कानून का रास्ता अपनाया और केजरीवाल को लीगल नोटिस भिजवा दिया.
सारांश: आप के होर्डिंग में बीजेपी नेता विजेंद्र गुप्ता की फोटो पर विवाद खराब तस्वीर नहीं हटाई गई तो कानूनी कार्रवाई करेंगे गुप्ता चुनाव आयोग से अपेक्षित कार्रवाई न होने पर कानून का सहारा लिया
5
['hin']
एक सारांश बनाओ: एक सत्र अदालत ने अभिनेत्री सना खान को एक मामले में अग्रिम जमानत दे दी, जिसमें उसपर नवी मुंबई में एक नाबालिग लड़की का अपहरण का प्रयास करने का आरोप है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश एएस वाघवसे ने इस बात की पुष्टि की कि उन्होंने सना को अग्रिम जमानत दी है। अदालत में अपने बयान में सना ने कहा कि वह अपहरण की कोशिश में शामिल नहीं है। सना पर नवी मुंबई की सानपाड़ा पुलिस ने 15 वर्ष की एक लड़की के अपहरण की साजिश रचने के आरोप में मामला दर्ज किया था। इस लड़की ने सना के चचेरे भाई नवेद खान (18) का प्रेम प्रस्ताव ठुकरा दिया था। नवेद और उसके तीन दोस्तों क्षितिज गोपीनाथ दुबे, विस्मित विलास अंबरे और 17 वर्ष के एक लड़के को पुलिस ने लड़की के अपहरण के आरोप में गिरफ्तार किया, जबकि सना गिरफ्तारी से बचती रही।टिप्पणियां 25 वर्षीय अभिनेत्री बिग बॉस के छठे संस्करण में प्रतिभागी थी। वह सलमान खान की आने वाली फिल्म ‘मेंटल’ में भी नजर आने वाली है। सना ने आरोपों का खंडन किया है और आरोप लगाया है कि लड़की का परिवार लोकप्रियता हासिल करने के लिए इस मामले में उनका नाम उछाल रहा है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश एएस वाघवसे ने इस बात की पुष्टि की कि उन्होंने सना को अग्रिम जमानत दी है। अदालत में अपने बयान में सना ने कहा कि वह अपहरण की कोशिश में शामिल नहीं है। सना पर नवी मुंबई की सानपाड़ा पुलिस ने 15 वर्ष की एक लड़की के अपहरण की साजिश रचने के आरोप में मामला दर्ज किया था। इस लड़की ने सना के चचेरे भाई नवेद खान (18) का प्रेम प्रस्ताव ठुकरा दिया था। नवेद और उसके तीन दोस्तों क्षितिज गोपीनाथ दुबे, विस्मित विलास अंबरे और 17 वर्ष के एक लड़के को पुलिस ने लड़की के अपहरण के आरोप में गिरफ्तार किया, जबकि सना गिरफ्तारी से बचती रही।टिप्पणियां 25 वर्षीय अभिनेत्री बिग बॉस के छठे संस्करण में प्रतिभागी थी। वह सलमान खान की आने वाली फिल्म ‘मेंटल’ में भी नजर आने वाली है। सना ने आरोपों का खंडन किया है और आरोप लगाया है कि लड़की का परिवार लोकप्रियता हासिल करने के लिए इस मामले में उनका नाम उछाल रहा है। अदालत में अपने बयान में सना ने कहा कि वह अपहरण की कोशिश में शामिल नहीं है। सना पर नवी मुंबई की सानपाड़ा पुलिस ने 15 वर्ष की एक लड़की के अपहरण की साजिश रचने के आरोप में मामला दर्ज किया था। इस लड़की ने सना के चचेरे भाई नवेद खान (18) का प्रेम प्रस्ताव ठुकरा दिया था। नवेद और उसके तीन दोस्तों क्षितिज गोपीनाथ दुबे, विस्मित विलास अंबरे और 17 वर्ष के एक लड़के को पुलिस ने लड़की के अपहरण के आरोप में गिरफ्तार किया, जबकि सना गिरफ्तारी से बचती रही।टिप्पणियां 25 वर्षीय अभिनेत्री बिग बॉस के छठे संस्करण में प्रतिभागी थी। वह सलमान खान की आने वाली फिल्म ‘मेंटल’ में भी नजर आने वाली है। सना ने आरोपों का खंडन किया है और आरोप लगाया है कि लड़की का परिवार लोकप्रियता हासिल करने के लिए इस मामले में उनका नाम उछाल रहा है। सना पर नवी मुंबई की सानपाड़ा पुलिस ने 15 वर्ष की एक लड़की के अपहरण की साजिश रचने के आरोप में मामला दर्ज किया था। इस लड़की ने सना के चचेरे भाई नवेद खान (18) का प्रेम प्रस्ताव ठुकरा दिया था। नवेद और उसके तीन दोस्तों क्षितिज गोपीनाथ दुबे, विस्मित विलास अंबरे और 17 वर्ष के एक लड़के को पुलिस ने लड़की के अपहरण के आरोप में गिरफ्तार किया, जबकि सना गिरफ्तारी से बचती रही।टिप्पणियां 25 वर्षीय अभिनेत्री बिग बॉस के छठे संस्करण में प्रतिभागी थी। वह सलमान खान की आने वाली फिल्म ‘मेंटल’ में भी नजर आने वाली है। सना ने आरोपों का खंडन किया है और आरोप लगाया है कि लड़की का परिवार लोकप्रियता हासिल करने के लिए इस मामले में उनका नाम उछाल रहा है। नवेद और उसके तीन दोस्तों क्षितिज गोपीनाथ दुबे, विस्मित विलास अंबरे और 17 वर्ष के एक लड़के को पुलिस ने लड़की के अपहरण के आरोप में गिरफ्तार किया, जबकि सना गिरफ्तारी से बचती रही।टिप्पणियां 25 वर्षीय अभिनेत्री बिग बॉस के छठे संस्करण में प्रतिभागी थी। वह सलमान खान की आने वाली फिल्म ‘मेंटल’ में भी नजर आने वाली है। सना ने आरोपों का खंडन किया है और आरोप लगाया है कि लड़की का परिवार लोकप्रियता हासिल करने के लिए इस मामले में उनका नाम उछाल रहा है। 25 वर्षीय अभिनेत्री बिग बॉस के छठे संस्करण में प्रतिभागी थी। वह सलमान खान की आने वाली फिल्म ‘मेंटल’ में भी नजर आने वाली है। सना ने आरोपों का खंडन किया है और आरोप लगाया है कि लड़की का परिवार लोकप्रियता हासिल करने के लिए इस मामले में उनका नाम उछाल रहा है। सना ने आरोपों का खंडन किया है और आरोप लगाया है कि लड़की का परिवार लोकप्रियता हासिल करने के लिए इस मामले में उनका नाम उछाल रहा है।
संक्षिप्त पाठ: एक सत्र अदालत ने अभिनेत्री सना खान को एक मामले में अग्रिम जमानत दे दी, जिसमें उसपर नवी मुंबई में एक नाबालिग लड़की का अपहरण का प्रयास करने का आरोप है।
30
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़े तनाव के बाद बॉर्डर पर बसे राज्यों को भी अलर्ट किया गया है. पंजाब के अमृतसर में भारत-पाक सीमा के साथ सटे गांवों को खाली कराने का काम जारी है. प्रशासन की ओर से लोगों को सीमावर्ती इलाके से हट कर सुरक्षित जगहों पर जाने की अपील की जा रही है. करीब 10 किलोमीटर के दायरे में रहने वाले लोग अलग-अलग साधनों के जरिए अपने रिश्तेदारों और दूसरे लोगों के यहां शरण ले रहे हैं. युद्ध की आहट को देखते हुए लोगों के बीच डर का माहौल है. लोगों ने इस बात की भी शिकायत की है कि प्रशासन ने उन्हें इलाका छोड़ने के निर्देश तो दे दिए हैं, लेकिन उनके लिए कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई है.   पंजाब में प्रशासन की ओर से फाज़िल्का में भारत पाक सीमा से लगे 151 गांवों को खाली करने को कहा गया है. इन गांवों में रहने वाले लोग अपना जरूरी सामान लेकर दूसरी सुरक्षित जगहों पर जा रहे हैं. प्रशासन की ओर से इन्हें जल्द से जल्द गांव खाली करने को कहा गया है. लोगों के ठहरने के लिए प्रशासन ने 26 राहत शिविर भी स्थापित किए हैं, लेकिन लोगों का आरोप है कि इन शिविरों में उन्हें कोई सुविधा नहीं मिल रही है. लोगों के मुताबिक, शिविरों में ना तो शौचालय की कोई व्यवस्था है और न ही मेडिकल टीम मौजूद है. फाज़िल्का की जिलाधिकारी ने जल्द ही इन समस्याओं को दुरुस्त करने का आश्वासन दिया है.   वहीं जम्मू के सांबा सेक्टर में सीमा के पास बसे इलाकों में रहने वाले लोगों का भी पलायन जारी है. प्रशासन की ओर से लोगों को अपने घर छोड़ने के निर्देश दिए गए हैं ताकि उन्हें किसी सुरक्षित जगह पर शिफ्ट किया जा सके. प्रशासन के मुताबिक, लोगों की मदद के लिए उनकी ओर से हर संभव प्रयास किया जा रहा है. इसके अलावा आरएस पुरा इलाके के भी गांव खाली कराए गए हैं. यहां से सैकड़ों लोगों ने अपने घर छोड़ दिए हैं और उन्होंने सुरक्षित जगहों पर शरण ली है. पंजाब में प्रशासन की ओर से फाज़िल्का में भारत पाक सीमा से लगे 151 गांवों को खाली करने को कहा गया है. इन गांवों में रहने वाले लोग अपना जरूरी सामान लेकर दूसरी सुरक्षित जगहों पर जा रहे हैं. प्रशासन की ओर से इन्हें जल्द से जल्द गांव खाली करने को कहा गया है. लोगों के ठहरने के लिए प्रशासन ने 26 राहत शिविर भी स्थापित किए हैं, लेकिन लोगों का आरोप है कि इन शिविरों में उन्हें कोई सुविधा नहीं मिल रही है. लोगों के मुताबिक, शिविरों में ना तो शौचालय की कोई व्यवस्था है और न ही मेडिकल टीम मौजूद है. फाज़िल्का की जिलाधिकारी ने जल्द ही इन समस्याओं को दुरुस्त करने का आश्वासन दिया है.   वहीं जम्मू के सांबा सेक्टर में सीमा के पास बसे इलाकों में रहने वाले लोगों का भी पलायन जारी है. प्रशासन की ओर से लोगों को अपने घर छोड़ने के निर्देश दिए गए हैं ताकि उन्हें किसी सुरक्षित जगह पर शिफ्ट किया जा सके. प्रशासन के मुताबिक, लोगों की मदद के लिए उनकी ओर से हर संभव प्रयास किया जा रहा है. इसके अलावा आरएस पुरा इलाके के भी गांव खाली कराए गए हैं. यहां से सैकड़ों लोगों ने अपने घर छोड़ दिए हैं और उन्होंने सुरक्षित जगहों पर शरण ली है.
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: तनाव के बाद बॉर्डर पर बसे राज्यों को अलर्ट किया गया युद्ध की आहट के बीच लोगों में डर का मौहाल लोगों की शिकायत प्रशासन ने वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की
25
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: उन्होंने ट्वीट किया, 'प्रधानमंत्री भारत के लिए एयरस्पेस को पूरी तरह बंद करने पर विचार कर रहे हैं, अफगानिस्तान के लिए भारतीय व्यापार को लेकर पाकिस्तानी जमीनी मार्गों के इस्तेमाल पर पूरी तरह रोकने का भी सुझाव आया है. इन फैसलों की कानूनी औपचारिकताओं पर विचार हो रहा है. मोदी ने शुरू किया, हम उसे खत्म करेंगे.' पाकिस्तान ने बालाकोट में जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) के आतंकी कैंप पर भारतीय वायुसेना के हमले के बाद अपने वायुक्षेत्र को फरवरी में बंद कर दिया था. पाकिस्तान ने नई दिल्ली, बैंकॉक और कुआलालंपुर को छोड़कर सभी उड़ानों के लिए 27 मार्च को अपना वायुक्षेत्र खोल दिया था. पाकिस्तान ने 15 मई को भारत के विमानों के लिए अपने वायुक्षेत्र पर प्रतिबंध को 30 मई तक बढ़ा दिया था. इसके बाद 16 जुलाई को सभी असैन्य उड़ानों के लिए उसने अपने वायुक्षेत्र को खोला था. भारत द्वारा पांच अगस्त को जम्मू कश्मीर का विशेष दर्जा खत्म करने के बाद पाकिस्तान, भारत के साथ अपने व्यापार को पहले ही बंद कर चुका है और ट्रेन तथा बस सेवा पर भी रोक लगा दी गई थी.
संक्षिप्त पाठ: कश्मीर पर भारत के फैसले से पाकिस्तान बौखलाया हुआ है भारत के लिए पूर्ण रूप से एयरस्पेस बंद करने की बना रहा योजना इमरान सरकार के मंत्री ने ट्वीट कर कही यह बात
22
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: केंद्रीय मंत्री और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की वरिष्ठ नेता उमा भारती (Uma Bharti) को पार्टी ने एक बड़ी जिम्मेदारी दी है. पार्टी ने उन्हें बीजेपी का राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया है. बता दें कि कुछ दिन पहले ही उमा भारती ने पार्टी अध्यक्ष अमित शाह को पत्र लिखकर इस बार चुनाव न लड़ने की इच्छा जताई थी. इसके बाद ही पार्टी ने उन्हें राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाने का फैसला किया है. उमा भारती (Uma Bharti)  को पार्टी द्वारा दी गई इस नई जिम्मेदारी की जानकारी केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने दी. उन्होंने एक प्रेस वार्ता में कहा कि उमा भारती (Uma Bharti)  जी ने कुछ दिन पहले ही अमित शाह को पत्र लिखकर उनसे चुनाव न लड़ने की बात कही थी. साथ ही उन्होंने कहा था कि वह सिर्फ संगठन के लिए काम करना चाहती हैं. पार्टी ने उनके इस अनुरोध को मान लिया है. पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने उन्हें राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाने का फैसला किया है.गौरतलब है कि शुक्रवार को ही खबर आई थी उमा भारती (Uma Bharti) इस बार चुनाव नहीं लड़ेगी. उन्‍हों‍ने कहा था कि उनकी मई से 18 माह तक तीर्थयात्रा पर जाने की योजना है. उमा भारती ने इन खबरों को खारिज कर दिया था कि वह झांसी से नहीं बल्कि किसी सुरक्षित सीट से लड़ना चाहती हैं. उमा ने कहा था कि उन्होंने 2016 में ही तय कर लिया था कि वह इस बार आम चुनाव चुनाव नहीं लड़ेंगी. केंद्रीय मंत्री उमा भारती (Uma Bharti)  ने बताया था कि मैंने 2016 में कहा था कि मैं चुनाव नहीं लड़ूंगी क्योंकि मुझे गंगा के तटों पर बसे तीर्थस्थानों पर जाना है. अगर मैं चुनाव लड़ती तो मैं झांसी से ही लड़ती. मैं अपना निर्वाचन क्षेत्र कभी नहीं बदल सकती. वहां के लोगों को मुझ पर गर्व है और वह मुझे अपनी बेटी जैसा मानते हैं.'' उमा ने यह भी कहा था कि वह 2024 का चुनाव लड़ेंगी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पार्टी ‘‘शानदार बहुमत'' हासिल करेगी.उन्होंने कहा था कि उन्होंने आगामी चुनाव न लड़ने के अपने फैसले से भाजपा महासचिव (संगठन) रामलाल को अवगत करा दिया था. रामलाल ने उनसे तीर्थयात्रा के लिए जाने से पहले पार्टी के लिए चुनाव प्रचार करने को कहा था. उमा ने कहा था कि वह पांच मई तक भाजपा के लिए चुनाव प्रचार करेंगी. उन्होंने कहा था कि पार्टी ने मुझे मुख्यमंत्री पद से ले कर कैबिनेट मंत्री के पद तक बहुत कुछ दिया है. मैंने भाजपा के अध्यक्ष पद को छोड़ कर लगभग सभी संगठनात्मक दायित्व संभाले हैं. यह मेरा दायित्व है कि पार्टी को शर्मिन्दा न होने दूं. मैं पांच मई तक चुनाव प्रचार करूंगी.''
संक्षिप्त पाठ: अमित शाह के बाद देखेंगी पार्टी का काम राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया चुनाव न लड़ने की जताई थी इच्छा
27
['hin']
एक सारांश बनाओ: देश के शेयर बाजारों में शुक्रवार को समाप्त कारोबारी सप्ताह में लगभग आधी फीसदी की तेजी दर्ज की गई। प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स में इस सप्ताह 0.50 फीसदी या 95.24 अंकों की तेजी और निफ्टी में 0.60 फीसदी या 33.45 अंकों की तेजी दर्ज की गई। शुक्रवार के कारोबार में बम्बई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 220.26 अंकों की गिरावट के साथ 18,858.04 पर और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक निफ्टी 68.30 अंकों की गिरावट के साथ 5,660.65 पर बंद हुआ। इससे पिछले शुक्रवार को सेंसेक्स 18,762.80 और निफ्टी 5,627.20 पर बंद हुआ था। बीएसई के विभिन्न सेक्टरों में इस सप्ताह रियल्टी में सर्वाधिक सात फीसदी की तेजी दर्ज की गई। उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु में 4.1 फीसदी, वाहन में 3.1 फीसदी, प्रौद्योगिकी में 1.03 फीसदी, स्वास्थ्य सेवा में 0.96 फीसदी, सूचना प्रौद्योगिकी में 0.83 फीसदी, बैंकिंग में 0.51 फीसदी और पूंजीगत वस्तु में 0.32 फीसदी की मजबूती दर्ज की गई। गिरावट वाले सेक्टरों में धातु में सर्वाधिक 1.22 फीसदी, तेज खपत वाली उपभोक्ता वस्तुओं में 0.20 फीसदी, तेल एवं गैस में भी 0.20 फीसदी और सार्वजनिक कम्पनियों में 0.18 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई। बिजली में कोई बदलाव दर्ज नहीं किया गया। सेंसेक्स में कारोबारी सप्ताह के पहले दिन सोमवार को 51.68 अंकों की तेजी दर्ज की गई। इसके बाद मंगलवार और बुधवार को सेंसेक्स में क्रमश: 69.92 और 17.59 अंकों की गिरावट दर्ज की गई। गुरुवार को सेंसेक्स में 351.33 अंकों की तेजी दर्ज की गई। बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी इस सप्ताह बढ़त का रुख देखा गया। मिडकैप 94.64 अंकों की बढ़त के साथ शुक्रवार को 6,996.31 पर और स्मॉलकैप 150.73 अंकों की तेजी के साथ 8,375.14 पर बंद हुआ।
यहाँ एक सारांश है:प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स में इस सप्ताह 0.50 फीसदी या 95.24 अंकों की तेजी और निफ्टी में 0.60 फीसदी या 33.45 अंकों की तेजी दर्ज की गई।
15
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: भारतीय महिला टेनिस खिलाड़ी सानिया मिर्जा और उनकी जोड़ीदार चेक गणराज्य की रेनेटा वोराकोवा को वर्ष के पहले ग्रैंड स्लैम ऑस्ट्रेलियन ओपन के पहले दौर में हार का सामना करना पड़ा है जबकि वरीयता प्राप्त पुरुष तथा महिला खिलाड़ी अपने-अपने मुकाबले जीतकर तीसरे दौर में पहुंच गए हैं। सानिया और वोराकोवा की जोड़ी को बुधवार को खेले गए महिला युगल स्पर्धा के पहले दौर के मुकाबले में शीर्ष वरीयता प्राप्त अर्जेंटीना की जिसेला डुल्को और इटली की फ्लाविया पेनेटा के हाथों 6-4, 6-1 से शिकस्त खानी पड़ी। उल्लेखनीय है सानिया महिला एकल स्पर्धा से पहले ही बाहर हो चुकी हैं। सानिया ने ऑस्ट्रेलियन ओपन में क्वालीफाइंग मुकाबले खेलकर मुख्य दौर में जगह बनाई थी। विश्व की नंबर एक महिला टेनिस खिलाड़ी डेनमार्क की कारोलाइन वोज्नियाकी आसान जीत के साथ तीसरे दौर में पहुंच गई हैं। वोज्नियाकी ने महिला वर्ग के एकल मुकाबले के दूसरे दौर में अमेरिका की वानिया किंग को 6-1, 6-0 से हराकर तीसरे दौर में जगह बनाई। वोज्नयाकी ने इस मुकाबले को 58 मिनट में जीता। पिछले वर्ष वोज्नियाकी आस्ट्रेलियन ओपन के चौथे दौर तक पहुंची थीं। वोज्नियाकी करियर के पहले ग्रैंड स्लैम की फिराक में कोर्ट पर उतरी हैं। उन्होंने अब तक 12 डब्ल्यूटीए महिला एकल खिताब जीते हैं। बेल्जियम की विश्व की पूर्व नम्बर एक महिला टेनिस खिलाड़ी जस्टिन हेनिन शानदार जीत दर्ज कर अगले दौर में पहुंच गई हैं। हेनिन ने महिला एकल स्पर्धा के दूसरे दौर के मुकाबले में इंग्लैंड की खिलाड़ी एलिना बालताचा को 6-1, 6-3 से पराजित किया। सात बार की ग्रैंड स्लैम विजेता हेनिन इस वर्ष दूसरी बार ऑस्ट्रेलियन ओपन खिताब जीतने के इरादे से उतरी हैं। हेनिन इस खिताब पर वर्ष 2004 में कब्जा जमा चुकी हैं। हेनिन चार बार फ्रेंच ओपन और दो बार अमेरिकी ओपन जबकि एक बार आस्ट्रेलियन ओपन खिताब जीत चुकी हैं। अमेरिका के पूर्व नम्बर एक टेनिस खिलाड़ी एंडी रोडिक धमाकेदार जीत के साथ तीसरे दौर में पहुंच गए हैं। रोडिक ने पुरुषों की एकल स्पर्धा के दूसरे दौर के मुकाबले में रूस के इगोर कुनित्सयेन को 7-6 (9-7), 6-2, 6-3 से शिकस्त दी। रोडिक की कुनित्सयेन के खिलाफ यह तीसरी जबकि हार्ड कोर्ट पर पहली जीत है। इससे पहले, रोडिक ने कुनित्सयेन को वर्ष 2009 में विम्बल्डन के दूसरे दौर में मात दी थी। रोडिक वर्ष 2003, 2005, 2007 और 2009 में ऑस्ट्रेलियन ओपन के सेमीफाइनल तक पहुंचने में कामयाब हो चुके हैं। विश्व की पूर्व नम्बर एक अमेरिका की महिला टेनिस खिलाड़ी वीनस विलियम्स तीसरे दौर में पहुंच गई हैं। वीनस ने महिला एकल स्पर्धा के दूसरे दौर के मुकाबले में चेक गणराज्य की खिलाड़ी सांद्रा जाहलावोवा को 6-7, 6-0, 6-4 से शिकस्त दी। पहला सेट हारने के बाद वीनस ने अगले दो सेटों में शानदार वापसी करते हुए मुकाबले को अपने नाम कर लिया। इस मुकाबले को उन्होंने लगभग तीन घंटे में जीता। वर्तमान में वीनस विश्व महिला रैंकिंग में चौथे नम्बर पर हैं। वीनस वर्ष 2003 में ऑस्ट्रेलियन ओपन के फाइनल तक का सफर तय कर चुकी हैं। ऑस्ट्रेलिया के पूर्व नम्बर एक टेनिस खिलाड़ी लेटिन हेविट को जबरदस्त हार का सामना करना पड़ा है। हेविट को पुरुषों की एकल स्पर्धा के पहले दौर के मुकाबले में अर्जेटीना के खिलाड़ी डेविड नलबैंडियन के हाथों 3-6, 6-4, 3-6, 7-6, 9-7 से शिकस्त का सामना करना पड़ा। हेविट ने पिछले सत्र कलाई का ऑपरेशन करवाकर कोर्ट पर वापसी की थी लेकिन पहले दौर में उन्हें हार का समना करना पड़ा। हेविट वर्ष 2005 में ऑस्ट्रेलियन ओपन के फाइनल में पहुंचे थे। वह एक बार विम्बल्डन और एक बार अमेरिकी ओपन का खिताब जीत चुके हैं। स्पेन के नौवीं वरीयता प्राप्त टेनिस खिलाड़ी फर्नाडो वर्दास्को एक संघर्षपूर्ण मुकाबले में जीत दर्ज कर वर्ष के पहले ग्रैंड स्लैम ऑस्ट्रेलियन ओपन के तीसरे दौर में पहुंच गए हैं। वर्दास्को ने पुरुषों की एकल स्पर्धा के दूसरे दौर के मुकाबले में सर्बिया के जांको टिपसारेविक को 2-6, 4-6, 6-4, 7-6 (7-0), 6-0 से पराजित किया। वर्दास्को वर्ष 2009 में ऑस्ट्रेलियन ओपन के सेमीफाइनल तक का सफर तय कर चुके हैं। उन्होंने जीत का श्रेय आंद्रे अगासी के पूर्व कोच गिल रेयेस को दिया। एक अन्य मुकाबले में चेक गणराज्य के खिलाड़ी टॉमस बर्डिच ने जर्मनी के खिलाड़ी फिलिप कोश्रेयबर को 4-6, 6-2, 6-3, 6-4 से शिकस्त दी।
यहाँ एक सारांश है:सानिया मिर्जा और उनकी जोड़ीदार रेनेटा वोराकोवा को वर्ष के पहले ग्रैंड स्लैम ऑस्ट्रेलियन ओपन के पहले दौर में हार का सामना करना पड़ा है।
18
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: जयपुर की एक महिला को उस समय कुछ राहत मिली जब उसने ट्वीट पर विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से मदद मांगी और उन्होंने राज्य की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से इस महिला की मदद के लिए कहा। इस महिला ने दीपा कर्मकार के लिए एक ट्वीट किया था जिसके बाद ट्वीटर पर उन्हें कई तरह की बातें कही गईं। इस महीला ने दीपा कर्मकार के ओलिंपिक में प्रोडुनोवा वॉल्ट पर परफार्म करने से पहले एक ट्वीट में कहा था कि दूसरे देश के जिम्नास्ट मेडल के लिए प्रोडुनोवा वॉल्ट, जिसे मौत का वॉल्ट भी कहा जाता है, नहीं करते हैं. आज वह (दीपा कर्मकार) ओलिंपिक मेडल के लिए अपनी जिंदगी दांव पर लगा रही है. जिंदगी की कीमत पर मेडल के लिए दाव किसी देश (डैम्न कंट्री) में नहीं लगाया जाना चाहिए.टिप्पणियां ट्वीट में देश को 'डैम्नड कंट्री' कहने की वजह महिला कई लोगों की नजर में चढ़ गईं और उन्हें ट्वीट पर ही तमाम तरह की धमकियां मिलने लगीं। कई ट्वीट पर धमकी मिलने के बाद महिला ने ट्वीट के जरिए विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से संपर्क साधा और उन्होंने राज्य की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से महिला की मदद करने के लिए कहा।  राज्य की मुख्यमंत्री को जब इस घटना के बारे में पता चला तब जयपुर के कमिश्नर संजय अग्रवाल को फोन किया गया। उन्होंने एक डीसीपी स्तर के अधिकारी को महिला से संपर्क करने को कहा।   पुलिस कमिश्नर संजय अग्रवाल ने बताया कि घटना की सूचना मिलने के बाद हमने एक डीसीपी स्तर के अधिकारी को महिला से साधा। आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है और सर्विस प्रोवाइडर के जरिए धमकाने वाले लोगों की पहचान की जा रही है।   एनडीटीवी से बातचीत में महिला ने साफ कहा कि वह किसी प्रकार का कोई इंटरव्यू नहीं देना चाहती और न ही वह यह चाहती है कि उसकी पहचान उजागर हो। उन्होंने कहा कि एक छोटी से बात का बतंगड़ बना दिया गया और अब मैं यह सब भूलकर आगे बढ़ना चाहती हूं। इस महीला ने दीपा कर्मकार के ओलिंपिक में प्रोडुनोवा वॉल्ट पर परफार्म करने से पहले एक ट्वीट में कहा था कि दूसरे देश के जिम्नास्ट मेडल के लिए प्रोडुनोवा वॉल्ट, जिसे मौत का वॉल्ट भी कहा जाता है, नहीं करते हैं. आज वह (दीपा कर्मकार) ओलिंपिक मेडल के लिए अपनी जिंदगी दांव पर लगा रही है. जिंदगी की कीमत पर मेडल के लिए दाव किसी देश (डैम्न कंट्री) में नहीं लगाया जाना चाहिए.टिप्पणियां ट्वीट में देश को 'डैम्नड कंट्री' कहने की वजह महिला कई लोगों की नजर में चढ़ गईं और उन्हें ट्वीट पर ही तमाम तरह की धमकियां मिलने लगीं। कई ट्वीट पर धमकी मिलने के बाद महिला ने ट्वीट के जरिए विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से संपर्क साधा और उन्होंने राज्य की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से महिला की मदद करने के लिए कहा।  राज्य की मुख्यमंत्री को जब इस घटना के बारे में पता चला तब जयपुर के कमिश्नर संजय अग्रवाल को फोन किया गया। उन्होंने एक डीसीपी स्तर के अधिकारी को महिला से संपर्क करने को कहा।   पुलिस कमिश्नर संजय अग्रवाल ने बताया कि घटना की सूचना मिलने के बाद हमने एक डीसीपी स्तर के अधिकारी को महिला से साधा। आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है और सर्विस प्रोवाइडर के जरिए धमकाने वाले लोगों की पहचान की जा रही है।   एनडीटीवी से बातचीत में महिला ने साफ कहा कि वह किसी प्रकार का कोई इंटरव्यू नहीं देना चाहती और न ही वह यह चाहती है कि उसकी पहचान उजागर हो। उन्होंने कहा कि एक छोटी से बात का बतंगड़ बना दिया गया और अब मैं यह सब भूलकर आगे बढ़ना चाहती हूं। ट्वीट में देश को 'डैम्नड कंट्री' कहने की वजह महिला कई लोगों की नजर में चढ़ गईं और उन्हें ट्वीट पर ही तमाम तरह की धमकियां मिलने लगीं। कई ट्वीट पर धमकी मिलने के बाद महिला ने ट्वीट के जरिए विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से संपर्क साधा और उन्होंने राज्य की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से महिला की मदद करने के लिए कहा।  राज्य की मुख्यमंत्री को जब इस घटना के बारे में पता चला तब जयपुर के कमिश्नर संजय अग्रवाल को फोन किया गया। उन्होंने एक डीसीपी स्तर के अधिकारी को महिला से संपर्क करने को कहा।   पुलिस कमिश्नर संजय अग्रवाल ने बताया कि घटना की सूचना मिलने के बाद हमने एक डीसीपी स्तर के अधिकारी को महिला से साधा। आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है और सर्विस प्रोवाइडर के जरिए धमकाने वाले लोगों की पहचान की जा रही है।   एनडीटीवी से बातचीत में महिला ने साफ कहा कि वह किसी प्रकार का कोई इंटरव्यू नहीं देना चाहती और न ही वह यह चाहती है कि उसकी पहचान उजागर हो। उन्होंने कहा कि एक छोटी से बात का बतंगड़ बना दिया गया और अब मैं यह सब भूलकर आगे बढ़ना चाहती हूं। कई ट्वीट पर धमकी मिलने के बाद महिला ने ट्वीट के जरिए विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से संपर्क साधा और उन्होंने राज्य की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से महिला की मदद करने के लिए कहा।  राज्य की मुख्यमंत्री को जब इस घटना के बारे में पता चला तब जयपुर के कमिश्नर संजय अग्रवाल को फोन किया गया। उन्होंने एक डीसीपी स्तर के अधिकारी को महिला से संपर्क करने को कहा।   पुलिस कमिश्नर संजय अग्रवाल ने बताया कि घटना की सूचना मिलने के बाद हमने एक डीसीपी स्तर के अधिकारी को महिला से साधा। आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है और सर्विस प्रोवाइडर के जरिए धमकाने वाले लोगों की पहचान की जा रही है।   एनडीटीवी से बातचीत में महिला ने साफ कहा कि वह किसी प्रकार का कोई इंटरव्यू नहीं देना चाहती और न ही वह यह चाहती है कि उसकी पहचान उजागर हो। उन्होंने कहा कि एक छोटी से बात का बतंगड़ बना दिया गया और अब मैं यह सब भूलकर आगे बढ़ना चाहती हूं।
विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से की बात सीएम ने जयपुर के कमिश्नर को मदद करने को कहा डीसीपी स्तर के अधिकारी ने महिला से की मुलाकात, केस दर्ज
34
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: दूरसंचार कंपनी भारती एयरटेल ने वर्ष 2011-12 की चौथी तिमाही (जनवरी-मार्च) में 1,006 करोड़ रुपये का लाभ दिखाया है जो इससे पिछले वर्ष की समीक्षाधीन तिमाही से 28.19 प्रतिशत कम है। कंपनी को 3-जी लाइसेंस की फीस, ब्याज और कर के ऊंचे प्रावधान तथा विदेशी विनिमय दर में उतार-चढ़ाव के कारण हानि के कारण में लाभ में गिरावट देखनी पड़ी। वर्ष 2010-11 में इस दौरान शुद्ध लाभ 1,401 करोड़ रुपये था। आलोच्य तिमाही में इस बार कंपनी की आय 15 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 18,729 करोड़ हो गई। कंपनी के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक सुनील भारती मित्तल ने कहा कि वह कंपनी के ग्राहकों की संख्या में वृद्धि से खुश हैं। 20 देशों में सेवा दे रहे भारतीय एयरटेल समूह के ग्राहकों की संख्या 25 करोड़ से ऊपर हो गई है। उन्होंने ब्रॉडबैंड सेवा के विस्तार के प्रति प्रतिबद्धता जाहिर करते हुए कहा कि 4-जी सेवा की शुरुआत इसका प्रमाण है।टिप्पणियां भारती एयरटेल ने वर्ष 2011-12 की सम्पूर्ण अवधि में 71,451 करोड़ रुपये का कारोबार कर 4,259 करोड़ रुपये का लाभ कमाया। कंपनी की वार्षिक आय में 20 प्रतिशत की वृद्धि हुई पर शुद्ध लाभ 29.6 प्रतिशत घट गया। एक साल पहले लाभ 6,047 करोड़ रुपये और आय 59,538 करोड़ रुपये था। कंपनी के एक बयान के मुताबिक जनवरी मार्च तिमाही में कंपनी को लाइसेंस शुल्क के लिए 106 करोड़ रुपये, 3जी स्पेक्ट्रम लागत के पर 84 करोड़, विदेशी विनिमय के कारण हानि पर 132 करोड़ रुपये और कर के मद में 198 करोड़ रुपये का प्रावधान करना पड़ा। कंपनी को 3-जी लाइसेंस की फीस, ब्याज और कर के ऊंचे प्रावधान तथा विदेशी विनिमय दर में उतार-चढ़ाव के कारण हानि के कारण में लाभ में गिरावट देखनी पड़ी। वर्ष 2010-11 में इस दौरान शुद्ध लाभ 1,401 करोड़ रुपये था। आलोच्य तिमाही में इस बार कंपनी की आय 15 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 18,729 करोड़ हो गई। कंपनी के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक सुनील भारती मित्तल ने कहा कि वह कंपनी के ग्राहकों की संख्या में वृद्धि से खुश हैं। 20 देशों में सेवा दे रहे भारतीय एयरटेल समूह के ग्राहकों की संख्या 25 करोड़ से ऊपर हो गई है। उन्होंने ब्रॉडबैंड सेवा के विस्तार के प्रति प्रतिबद्धता जाहिर करते हुए कहा कि 4-जी सेवा की शुरुआत इसका प्रमाण है।टिप्पणियां भारती एयरटेल ने वर्ष 2011-12 की सम्पूर्ण अवधि में 71,451 करोड़ रुपये का कारोबार कर 4,259 करोड़ रुपये का लाभ कमाया। कंपनी की वार्षिक आय में 20 प्रतिशत की वृद्धि हुई पर शुद्ध लाभ 29.6 प्रतिशत घट गया। एक साल पहले लाभ 6,047 करोड़ रुपये और आय 59,538 करोड़ रुपये था। कंपनी के एक बयान के मुताबिक जनवरी मार्च तिमाही में कंपनी को लाइसेंस शुल्क के लिए 106 करोड़ रुपये, 3जी स्पेक्ट्रम लागत के पर 84 करोड़, विदेशी विनिमय के कारण हानि पर 132 करोड़ रुपये और कर के मद में 198 करोड़ रुपये का प्रावधान करना पड़ा। कंपनी के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक सुनील भारती मित्तल ने कहा कि वह कंपनी के ग्राहकों की संख्या में वृद्धि से खुश हैं। 20 देशों में सेवा दे रहे भारतीय एयरटेल समूह के ग्राहकों की संख्या 25 करोड़ से ऊपर हो गई है। उन्होंने ब्रॉडबैंड सेवा के विस्तार के प्रति प्रतिबद्धता जाहिर करते हुए कहा कि 4-जी सेवा की शुरुआत इसका प्रमाण है।टिप्पणियां भारती एयरटेल ने वर्ष 2011-12 की सम्पूर्ण अवधि में 71,451 करोड़ रुपये का कारोबार कर 4,259 करोड़ रुपये का लाभ कमाया। कंपनी की वार्षिक आय में 20 प्रतिशत की वृद्धि हुई पर शुद्ध लाभ 29.6 प्रतिशत घट गया। एक साल पहले लाभ 6,047 करोड़ रुपये और आय 59,538 करोड़ रुपये था। कंपनी के एक बयान के मुताबिक जनवरी मार्च तिमाही में कंपनी को लाइसेंस शुल्क के लिए 106 करोड़ रुपये, 3जी स्पेक्ट्रम लागत के पर 84 करोड़, विदेशी विनिमय के कारण हानि पर 132 करोड़ रुपये और कर के मद में 198 करोड़ रुपये का प्रावधान करना पड़ा। भारती एयरटेल ने वर्ष 2011-12 की सम्पूर्ण अवधि में 71,451 करोड़ रुपये का कारोबार कर 4,259 करोड़ रुपये का लाभ कमाया। कंपनी की वार्षिक आय में 20 प्रतिशत की वृद्धि हुई पर शुद्ध लाभ 29.6 प्रतिशत घट गया। एक साल पहले लाभ 6,047 करोड़ रुपये और आय 59,538 करोड़ रुपये था। कंपनी के एक बयान के मुताबिक जनवरी मार्च तिमाही में कंपनी को लाइसेंस शुल्क के लिए 106 करोड़ रुपये, 3जी स्पेक्ट्रम लागत के पर 84 करोड़, विदेशी विनिमय के कारण हानि पर 132 करोड़ रुपये और कर के मद में 198 करोड़ रुपये का प्रावधान करना पड़ा। कंपनी के एक बयान के मुताबिक जनवरी मार्च तिमाही में कंपनी को लाइसेंस शुल्क के लिए 106 करोड़ रुपये, 3जी स्पेक्ट्रम लागत के पर 84 करोड़, विदेशी विनिमय के कारण हानि पर 132 करोड़ रुपये और कर के मद में 198 करोड़ रुपये का प्रावधान करना पड़ा।
सारांश: भारती एयरटेल ने वर्ष 2011-12 की चौथी तिमाही में 1,006 करोड़ रुपये का लाभ दिखाया है जो इससे पिछले वर्ष की समीक्षाधीन तिमाही से 28.19 प्रतिशत कम है।
7
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: दिल्ली आज भी धुंध और धुंए की चादर में लिपटी हुई है. सांसों में घुला जहर दिल्ली-एनसीआर के तमाम लोगों की सेहत पर भारी पड़ रहा है. हालात बदतर हो चुके हैं, जहां खुली हवा में सांस लेना दूभर है. हालांकि आज स्थिति सुधरने के आसार हैं. मौसम विभाग के एक अधिकारी के मुताबिक, रात तक हवा चलने की संभावना है. हवा अगर 25 KM प्रति घंटे से चलेगी तो ही स्मॉग से राहत मिलेगी. यही नहीं विजीबिल्टी भी सोमवार से थोड़ी बेहतर रह सकती है. ये हालात मौसमी वजहों के चलते तो हैं ही, लेकिन इसमें बड़ी भूमिका पड़ोसी राज्यों में खूंटी या पराली जलाने से निकले धुंए की भी है. आज दिल्ली में एनसीआर के चारों राज्यों के पर्यावरण मंत्रियों की बैठक केंद्रीय पर्यावरण मंत्री ने बुलाई है, जिसमें प्रदूषण से कैसे निपटा जाए इस पर बात होगी.टिप्पणियां वहीं दिल्ली के उप-राज्यपाल नजीब जंग ने भी बैठक बुलाई है. आदेश दिया गया है कि नोएडा-ग्रेटर नोएडा के स्कूल मंगलवार तक बंद रखे जाएंग. कई स्कूल बच्चों से मास्क लगा कर आने को कह रहे हैं. अगर आप दिल्ली में 10 घंटे बाहर हैं तो ये 42 सिगरेट पीने के बराबर है. दिल्ली की हवा पिछले 17 सालों में सबसे खराब बताई जा रही है.   वहीं सोमवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने पिछले कई दिनों से राजधानी में फैले हुए खतरनाक प्रदूषण पर लगाम के लिए कुछ अहम फैसलों की जानकारी दी. राजधानी में सोमवार से तीन दिन तक के लिए सभी स्कूल बंद रहेंगे. कल से दिल्ली की सड़कों पर पानी का छिड़काव किया जाएगा.अगले पांच दिनों के लिए दिल्ली में निर्माण कार्य पर रोक लगा दी गई है. साथ ही डिमॉलिशन (ढहाने) पर भी रोक लगा दी गई है.अगले 10 दिनों तक दिल्ली में जेनरेटर का प्रयोग प्रतिबंधित कर दिया गया है, हालांकि हॉस्पिटल्स और इमर्जेंसी जगहों पर इनका इस्तेमाल किया जा सकता हैकेजरीवाल ने कहा कि जरूरत पड़ी तो एक बार फिर से दिल्ली में ऑड ईवन फॉर्म्युला लागू कर दिया जाएगामुख्यमंत्री ने लोगों से घरों में रहने की अपील की है और जितना संभव हो, घर से ही काम करने की कोशिश करें.पत्तों को जलाने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है. एक मोबाइल ऐप्लिकेशन तैयार की जा रही है जिसके ज़रिए अधिकारियों को सूचना दी जा सकती है कि फलां इलाके में पत्तों को जलाया जा रहा है.बदरपुर प्लांट को अगले 10 दिन के लिए बंद कर दिया गया है. वैक्यूम क्लीनिंग दस तारीख से शुरू होगी और पीडब्लूडी की हर 100 फुट चौड़ी सड़क को हफ्ते में एक बार वैक्यूम क्लीन किया जाएगा. मौसम विभाग के एक अधिकारी के मुताबिक, रात तक हवा चलने की संभावना है. हवा अगर 25 KM प्रति घंटे से चलेगी तो ही स्मॉग से राहत मिलेगी. यही नहीं विजीबिल्टी भी सोमवार से थोड़ी बेहतर रह सकती है. ये हालात मौसमी वजहों के चलते तो हैं ही, लेकिन इसमें बड़ी भूमिका पड़ोसी राज्यों में खूंटी या पराली जलाने से निकले धुंए की भी है. आज दिल्ली में एनसीआर के चारों राज्यों के पर्यावरण मंत्रियों की बैठक केंद्रीय पर्यावरण मंत्री ने बुलाई है, जिसमें प्रदूषण से कैसे निपटा जाए इस पर बात होगी.टिप्पणियां वहीं दिल्ली के उप-राज्यपाल नजीब जंग ने भी बैठक बुलाई है. आदेश दिया गया है कि नोएडा-ग्रेटर नोएडा के स्कूल मंगलवार तक बंद रखे जाएंग. कई स्कूल बच्चों से मास्क लगा कर आने को कह रहे हैं. अगर आप दिल्ली में 10 घंटे बाहर हैं तो ये 42 सिगरेट पीने के बराबर है. दिल्ली की हवा पिछले 17 सालों में सबसे खराब बताई जा रही है.   वहीं सोमवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने पिछले कई दिनों से राजधानी में फैले हुए खतरनाक प्रदूषण पर लगाम के लिए कुछ अहम फैसलों की जानकारी दी. राजधानी में सोमवार से तीन दिन तक के लिए सभी स्कूल बंद रहेंगे. कल से दिल्ली की सड़कों पर पानी का छिड़काव किया जाएगा.अगले पांच दिनों के लिए दिल्ली में निर्माण कार्य पर रोक लगा दी गई है. साथ ही डिमॉलिशन (ढहाने) पर भी रोक लगा दी गई है.अगले 10 दिनों तक दिल्ली में जेनरेटर का प्रयोग प्रतिबंधित कर दिया गया है, हालांकि हॉस्पिटल्स और इमर्जेंसी जगहों पर इनका इस्तेमाल किया जा सकता हैकेजरीवाल ने कहा कि जरूरत पड़ी तो एक बार फिर से दिल्ली में ऑड ईवन फॉर्म्युला लागू कर दिया जाएगामुख्यमंत्री ने लोगों से घरों में रहने की अपील की है और जितना संभव हो, घर से ही काम करने की कोशिश करें.पत्तों को जलाने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है. एक मोबाइल ऐप्लिकेशन तैयार की जा रही है जिसके ज़रिए अधिकारियों को सूचना दी जा सकती है कि फलां इलाके में पत्तों को जलाया जा रहा है.बदरपुर प्लांट को अगले 10 दिन के लिए बंद कर दिया गया है. वैक्यूम क्लीनिंग दस तारीख से शुरू होगी और पीडब्लूडी की हर 100 फुट चौड़ी सड़क को हफ्ते में एक बार वैक्यूम क्लीन किया जाएगा. ये हालात मौसमी वजहों के चलते तो हैं ही, लेकिन इसमें बड़ी भूमिका पड़ोसी राज्यों में खूंटी या पराली जलाने से निकले धुंए की भी है. आज दिल्ली में एनसीआर के चारों राज्यों के पर्यावरण मंत्रियों की बैठक केंद्रीय पर्यावरण मंत्री ने बुलाई है, जिसमें प्रदूषण से कैसे निपटा जाए इस पर बात होगी.टिप्पणियां वहीं दिल्ली के उप-राज्यपाल नजीब जंग ने भी बैठक बुलाई है. आदेश दिया गया है कि नोएडा-ग्रेटर नोएडा के स्कूल मंगलवार तक बंद रखे जाएंग. कई स्कूल बच्चों से मास्क लगा कर आने को कह रहे हैं. अगर आप दिल्ली में 10 घंटे बाहर हैं तो ये 42 सिगरेट पीने के बराबर है. दिल्ली की हवा पिछले 17 सालों में सबसे खराब बताई जा रही है.   वहीं सोमवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने पिछले कई दिनों से राजधानी में फैले हुए खतरनाक प्रदूषण पर लगाम के लिए कुछ अहम फैसलों की जानकारी दी. राजधानी में सोमवार से तीन दिन तक के लिए सभी स्कूल बंद रहेंगे. कल से दिल्ली की सड़कों पर पानी का छिड़काव किया जाएगा.अगले पांच दिनों के लिए दिल्ली में निर्माण कार्य पर रोक लगा दी गई है. साथ ही डिमॉलिशन (ढहाने) पर भी रोक लगा दी गई है.अगले 10 दिनों तक दिल्ली में जेनरेटर का प्रयोग प्रतिबंधित कर दिया गया है, हालांकि हॉस्पिटल्स और इमर्जेंसी जगहों पर इनका इस्तेमाल किया जा सकता हैकेजरीवाल ने कहा कि जरूरत पड़ी तो एक बार फिर से दिल्ली में ऑड ईवन फॉर्म्युला लागू कर दिया जाएगामुख्यमंत्री ने लोगों से घरों में रहने की अपील की है और जितना संभव हो, घर से ही काम करने की कोशिश करें.पत्तों को जलाने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है. एक मोबाइल ऐप्लिकेशन तैयार की जा रही है जिसके ज़रिए अधिकारियों को सूचना दी जा सकती है कि फलां इलाके में पत्तों को जलाया जा रहा है.बदरपुर प्लांट को अगले 10 दिन के लिए बंद कर दिया गया है. वैक्यूम क्लीनिंग दस तारीख से शुरू होगी और पीडब्लूडी की हर 100 फुट चौड़ी सड़क को हफ्ते में एक बार वैक्यूम क्लीन किया जाएगा. वहीं दिल्ली के उप-राज्यपाल नजीब जंग ने भी बैठक बुलाई है. आदेश दिया गया है कि नोएडा-ग्रेटर नोएडा के स्कूल मंगलवार तक बंद रखे जाएंग. कई स्कूल बच्चों से मास्क लगा कर आने को कह रहे हैं. अगर आप दिल्ली में 10 घंटे बाहर हैं तो ये 42 सिगरेट पीने के बराबर है. दिल्ली की हवा पिछले 17 सालों में सबसे खराब बताई जा रही है.   वहीं सोमवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने पिछले कई दिनों से राजधानी में फैले हुए खतरनाक प्रदूषण पर लगाम के लिए कुछ अहम फैसलों की जानकारी दी. राजधानी में सोमवार से तीन दिन तक के लिए सभी स्कूल बंद रहेंगे. कल से दिल्ली की सड़कों पर पानी का छिड़काव किया जाएगा.अगले पांच दिनों के लिए दिल्ली में निर्माण कार्य पर रोक लगा दी गई है. साथ ही डिमॉलिशन (ढहाने) पर भी रोक लगा दी गई है.अगले 10 दिनों तक दिल्ली में जेनरेटर का प्रयोग प्रतिबंधित कर दिया गया है, हालांकि हॉस्पिटल्स और इमर्जेंसी जगहों पर इनका इस्तेमाल किया जा सकता हैकेजरीवाल ने कहा कि जरूरत पड़ी तो एक बार फिर से दिल्ली में ऑड ईवन फॉर्म्युला लागू कर दिया जाएगामुख्यमंत्री ने लोगों से घरों में रहने की अपील की है और जितना संभव हो, घर से ही काम करने की कोशिश करें.पत्तों को जलाने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है. एक मोबाइल ऐप्लिकेशन तैयार की जा रही है जिसके ज़रिए अधिकारियों को सूचना दी जा सकती है कि फलां इलाके में पत्तों को जलाया जा रहा है.बदरपुर प्लांट को अगले 10 दिन के लिए बंद कर दिया गया है. वैक्यूम क्लीनिंग दस तारीख से शुरू होगी और पीडब्लूडी की हर 100 फुट चौड़ी सड़क को हफ्ते में एक बार वैक्यूम क्लीन किया जाएगा. वहीं सोमवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने पिछले कई दिनों से राजधानी में फैले हुए खतरनाक प्रदूषण पर लगाम के लिए कुछ अहम फैसलों की जानकारी दी. राजधानी में सोमवार से तीन दिन तक के लिए सभी स्कूल बंद रहेंगे. कल से दिल्ली की सड़कों पर पानी का छिड़काव किया जाएगा.अगले पांच दिनों के लिए दिल्ली में निर्माण कार्य पर रोक लगा दी गई है. साथ ही डिमॉलिशन (ढहाने) पर भी रोक लगा दी गई है.अगले 10 दिनों तक दिल्ली में जेनरेटर का प्रयोग प्रतिबंधित कर दिया गया है, हालांकि हॉस्पिटल्स और इमर्जेंसी जगहों पर इनका इस्तेमाल किया जा सकता हैकेजरीवाल ने कहा कि जरूरत पड़ी तो एक बार फिर से दिल्ली में ऑड ईवन फॉर्म्युला लागू कर दिया जाएगामुख्यमंत्री ने लोगों से घरों में रहने की अपील की है और जितना संभव हो, घर से ही काम करने की कोशिश करें.पत्तों को जलाने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है. एक मोबाइल ऐप्लिकेशन तैयार की जा रही है जिसके ज़रिए अधिकारियों को सूचना दी जा सकती है कि फलां इलाके में पत्तों को जलाया जा रहा है.बदरपुर प्लांट को अगले 10 दिन के लिए बंद कर दिया गया है. वैक्यूम क्लीनिंग दस तारीख से शुरू होगी और पीडब्लूडी की हर 100 फुट चौड़ी सड़क को हफ्ते में एक बार वैक्यूम क्लीन किया जाएगा.
यह एक सारांश है: केंद्र ने बुलाई चार राज्यों के पर्यावरण मंत्रियों की बैठक अरविंद केजरीवाल ने सोमवार को किए अहम ऐलान दिल्ली में 3 दिन स्कूल बंद और 5 दिन निर्माण कार्यों पर पाबंदी
16
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: गुजरात में विधानसभा के चुनाव जल्दी होने की अटकलों के बीच मुख्यमंत्री विजय रूपानी ने गुरुवार को संकेत दिया कि तय कार्यक्रम के मुताबिक चुनाव दिसंबर 2017 में होंगे. रूपानी ने वलसाड में संवाददाताओं से कहा, ‘‘नई सरकार की यह पहली दिवाली है. चूंकि चुनाव अगले साल दिसंबर में होने हैं इसलिए यह सरकार 2017 की दिवाली भी मनाएगी.’’ उनसे पूछा गया था कि क्या उनकी सरकार अगले साल की दिवाली भी मनाएगी.टिप्पणियां आनंदी बेन के इस्तीफा देने के बाद अगस्त में रूपानी ने गुजरात का मुख्यमंत्री पद संभाला था. सत्ता में आए अचानक परिवर्तन के बाद से ही गुजरात कांग्रेस के नेता यह दावा कर रहे हैं कि विधानसभा के चुनाव वक्त से पहले कराए जा सकते हैं. प्रदेश कांग्रेस के प्रमुख भरत सिंह सोलंकी ने हाल में पार्टी कार्यकर्ताओं से जल्दी चुनाव के लिए तैयारी करने के लिए कहा था. (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) रूपानी ने वलसाड में संवाददाताओं से कहा, ‘‘नई सरकार की यह पहली दिवाली है. चूंकि चुनाव अगले साल दिसंबर में होने हैं इसलिए यह सरकार 2017 की दिवाली भी मनाएगी.’’ उनसे पूछा गया था कि क्या उनकी सरकार अगले साल की दिवाली भी मनाएगी.टिप्पणियां आनंदी बेन के इस्तीफा देने के बाद अगस्त में रूपानी ने गुजरात का मुख्यमंत्री पद संभाला था. सत्ता में आए अचानक परिवर्तन के बाद से ही गुजरात कांग्रेस के नेता यह दावा कर रहे हैं कि विधानसभा के चुनाव वक्त से पहले कराए जा सकते हैं. प्रदेश कांग्रेस के प्रमुख भरत सिंह सोलंकी ने हाल में पार्टी कार्यकर्ताओं से जल्दी चुनाव के लिए तैयारी करने के लिए कहा था. (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) आनंदी बेन के इस्तीफा देने के बाद अगस्त में रूपानी ने गुजरात का मुख्यमंत्री पद संभाला था. सत्ता में आए अचानक परिवर्तन के बाद से ही गुजरात कांग्रेस के नेता यह दावा कर रहे हैं कि विधानसभा के चुनाव वक्त से पहले कराए जा सकते हैं. प्रदेश कांग्रेस के प्रमुख भरत सिंह सोलंकी ने हाल में पार्टी कार्यकर्ताओं से जल्दी चुनाव के लिए तैयारी करने के लिए कहा था. (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
यह एक सारांश है: रूपानी ने कहा यह सरकार 2017 की दिवाली भी मनाएगी कांग्रेस का विधानसभा चुनाव वक्त से पहले कराने का दावा कांग्रेस ने कार्यकर्ताओं से जल्दी चुनाव की तैयारी करने को कहा
2
['hin']
एक सारांश बनाओ: बिहार में महागठबंधन (Bihar) के बीच अब तक सीटों का बंटवारा नहीं हो सका है. पहले कांग्रेस 11 सीटों पर अड़ी थी, लेकिन अब सूत्रों के हवाले से ख़बर है कि कांग्रेस से 9 सीटों पर बात बन गई है. हालांकि कांग्रेस एक और सीट पर ज़ोर दे रही है. तेजस्वी यादव और राहुल गांधी की मुलाक़ात में डील पर फ़ाइनल मुहर लग जाएगी और फिर सीट बंटवारे का एलान कर दिया जाएगा. आपको बता दें कि पिछले दिनों बिहार में कांग्रेस चुनाव अभियान समिति की बैठक में के बाद समिति के अध्यक्ष अखिलेश प्रसाद सिंह ने कहा था कि कांग्रेस बिहार की 40 लोकसभा सीटों में से 11 पर अपने उम्मीदवार उतारेगी. उन्होंने कहा था कि बैठक में सर्वसम्मति से पार्टी के अध्यक्ष राहुल गांधी को इन सीटों के लिए उम्मीदवार चयन और सीटों के निर्धारण के लिए अधिकृत किया गया है और 17 मार्च को इसकी विधिवत घोषणा की जाएगी. हालांकि अब खबर आई है कि कांग्रेस 11 की जगह 9 सीटों पर ही लड़ सकती है.  गौरतलब है कि कांग्रेस बिहार में विपक्षी दलों के महागठबंधन में शामिल है. इस महागठबंधन में कांग्रेस के अलावा राष्ट्रीय जनता दल (राजद), हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा, राष्ट्रीय लोक समता पार्टी, विकासशील इंसान पार्टी शामिल है. इससे पहले बिहार कांग्रेस चुनाव समिति की बैठक में भाग लेने पटना पहुंचे कांग्रेस के बिहार प्रभारी शक्ति सिंह गोहिल ने कहा था कि महागठबंधन में सब कुछ तय कर लिया गया है और कहीं कोई नाराजगी नहीं है. हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा के प्रमुख जीतन राम मांझी की नाराजगी के संबंध में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि जो भी नाराजगी है, वह दूर कर ली जाएगी.  वीडियो- बिहार: महागठबंधन का सीटों के बंटवारे का फॉर्मूला तय
बिहार में कांग्रेस 9 सीटों पर लड़ सकती है चुनाव पहले कांग्रेस 11 सीटों पर चुनाव लड़ने के लिए अड़ी थी राहुल-तेजस्वी की मुलाकात में लगेगी डील पर मुहर
26
['hin']
एक सारांश बनाओ: नीति आयोग के उपाध्यक्ष अरविंद पनगढ़िया ने आज कहा कि सरकार के नोटबंदी के फैसले का दीर्घकाल में अर्थव्यवस्था पर काफी सकारात्मक प्रभाव होगा क्योंकि इससे लोग अधिक से अधिक डिजिटल लेनदेन की ओर बढ़ेंगे. पनगढ़िया ने यहां भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) द्वारा आयोजित वैश्विक ऊर्जा परिचर्चा पर आयोजित कार्यक्रम के मौके पर कहा, ‘‘आपको इसका (नोटबंदी) का प्रभाव लंबे समय में दिखाई देगा. यह काफी सकारात्मक होगा.’’ पनगढ़िया के विचार के उलट कई अर्थशास्त्रियों और विश्लेषकों ने यह आशंका जताई है कि नोटबंदी से चालू वित्त वर्ष की दूसरी छमाही में आर्थिक वृद्धि पर प्रतिकूल असर पड़ेगा. पनगढ़िया ने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा, ‘‘बैंक खातों में जमा राशि बढ़ने के साथ ही वित्तीय मध्यस्थता बढ़ी है. इसका मतलब यह है कि जिस पूंजी को अब तक निजी तौर पर निवेश किया जाता रहा है उसे अब वित्तीय संस्थानों के जरिए निवेश किया जाएगा. इसका अर्थव्यवस्था पर अच्छा प्रभाव पड़ेगा. जैसे-जैसे हम डिजिटल लेनदेन की तरफ बढ़ेंगे हमारी लेनदेन की क्षमता बढ़ेगी. यह भी सकारात्मक होगा.’’ फिच रेटिंग ने कल ही भारत की सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) वृद्धि के अनुमान को 7.4 प्रतिशत से घटाकर 6.9 प्रतिशत कर दिया. एजेंसी ने कहा नोटबंदी के बाद आर्थिक गतिविधियों में अस्थाई रूप से बाधा उत्पन्न हुई है. नोटबंदी के बाद आर्थिक वृद्धि को लेकर अर्थशास्त्रियों और रेटिंग एजेंसियों द्वारा चिंता व्यक्त किए जाने पर पनगढ़िया ने कहा, ‘‘हर कोई अपने विचार व्यक्त कर रहा है. यह देखने की बात है कि आगे क्या होता है. एचडीएफसी बैंक के आदित्य पुरी ने कहा है कि इस बारे में (जीडीपी वृद्धि पर नोटबंदी का प्रभाव) बढ़ा चढ़ाकर बताया जा रहा है.’’ नोटबंदी को लेकर विपक्षी दलों के विरोध के कारण पिछले कई दिनों से संसद के दोनों सदनों में कामकाज बाधित है. विपक्षी दल इस मुद्दे पर दोनों सदनों में लगातार हंगामा कर कार्यवाही नहीं चलने दे रहे हैं.टिप्पणियां रिजर्व बैंक के नकद आरक्षित अनुपात (सीआरआर) को अस्थाई रूप से बढ़ाने के मुद्दे पर पनगढ़िया ने कहा, ‘‘यह रिजर्व बैंक के अधिकार क्षेत्र का मुद्दा है. बैंकिंग प्रणाली में जब काफी नकदी आ जाती है तो रिजर्व बैंक इस तरह के उपाय करता है.’’ उन्होंने आगे कहा, ‘‘रेपो दर (जिस पर रिजर्व बैंक दूसरे बैंकों को फौरी जरूरत के लिए नकदी उपलब्ध कराता है) और बैंकिंग तंत्र में तरलता एक दूसरे के अनुरूप होनी चाहिए. बैंकिंग तंत्र में करीब 8 लाख करोड़ रुपये आए हैं. अन्य उपाय मौद्रिक स्थिरीकरण योजना के जरिए किए गए. लेकिन इसमें और समय लगता.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) पनगढ़िया ने यहां भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) द्वारा आयोजित वैश्विक ऊर्जा परिचर्चा पर आयोजित कार्यक्रम के मौके पर कहा, ‘‘आपको इसका (नोटबंदी) का प्रभाव लंबे समय में दिखाई देगा. यह काफी सकारात्मक होगा.’’ पनगढ़िया के विचार के उलट कई अर्थशास्त्रियों और विश्लेषकों ने यह आशंका जताई है कि नोटबंदी से चालू वित्त वर्ष की दूसरी छमाही में आर्थिक वृद्धि पर प्रतिकूल असर पड़ेगा. पनगढ़िया ने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा, ‘‘बैंक खातों में जमा राशि बढ़ने के साथ ही वित्तीय मध्यस्थता बढ़ी है. इसका मतलब यह है कि जिस पूंजी को अब तक निजी तौर पर निवेश किया जाता रहा है उसे अब वित्तीय संस्थानों के जरिए निवेश किया जाएगा. इसका अर्थव्यवस्था पर अच्छा प्रभाव पड़ेगा. जैसे-जैसे हम डिजिटल लेनदेन की तरफ बढ़ेंगे हमारी लेनदेन की क्षमता बढ़ेगी. यह भी सकारात्मक होगा.’’ फिच रेटिंग ने कल ही भारत की सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) वृद्धि के अनुमान को 7.4 प्रतिशत से घटाकर 6.9 प्रतिशत कर दिया. एजेंसी ने कहा नोटबंदी के बाद आर्थिक गतिविधियों में अस्थाई रूप से बाधा उत्पन्न हुई है. नोटबंदी के बाद आर्थिक वृद्धि को लेकर अर्थशास्त्रियों और रेटिंग एजेंसियों द्वारा चिंता व्यक्त किए जाने पर पनगढ़िया ने कहा, ‘‘हर कोई अपने विचार व्यक्त कर रहा है. यह देखने की बात है कि आगे क्या होता है. एचडीएफसी बैंक के आदित्य पुरी ने कहा है कि इस बारे में (जीडीपी वृद्धि पर नोटबंदी का प्रभाव) बढ़ा चढ़ाकर बताया जा रहा है.’’ नोटबंदी को लेकर विपक्षी दलों के विरोध के कारण पिछले कई दिनों से संसद के दोनों सदनों में कामकाज बाधित है. विपक्षी दल इस मुद्दे पर दोनों सदनों में लगातार हंगामा कर कार्यवाही नहीं चलने दे रहे हैं.टिप्पणियां रिजर्व बैंक के नकद आरक्षित अनुपात (सीआरआर) को अस्थाई रूप से बढ़ाने के मुद्दे पर पनगढ़िया ने कहा, ‘‘यह रिजर्व बैंक के अधिकार क्षेत्र का मुद्दा है. बैंकिंग प्रणाली में जब काफी नकदी आ जाती है तो रिजर्व बैंक इस तरह के उपाय करता है.’’ उन्होंने आगे कहा, ‘‘रेपो दर (जिस पर रिजर्व बैंक दूसरे बैंकों को फौरी जरूरत के लिए नकदी उपलब्ध कराता है) और बैंकिंग तंत्र में तरलता एक दूसरे के अनुरूप होनी चाहिए. बैंकिंग तंत्र में करीब 8 लाख करोड़ रुपये आए हैं. अन्य उपाय मौद्रिक स्थिरीकरण योजना के जरिए किए गए. लेकिन इसमें और समय लगता.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) पनगढ़िया ने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा, ‘‘बैंक खातों में जमा राशि बढ़ने के साथ ही वित्तीय मध्यस्थता बढ़ी है. इसका मतलब यह है कि जिस पूंजी को अब तक निजी तौर पर निवेश किया जाता रहा है उसे अब वित्तीय संस्थानों के जरिए निवेश किया जाएगा. इसका अर्थव्यवस्था पर अच्छा प्रभाव पड़ेगा. जैसे-जैसे हम डिजिटल लेनदेन की तरफ बढ़ेंगे हमारी लेनदेन की क्षमता बढ़ेगी. यह भी सकारात्मक होगा.’’ फिच रेटिंग ने कल ही भारत की सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) वृद्धि के अनुमान को 7.4 प्रतिशत से घटाकर 6.9 प्रतिशत कर दिया. एजेंसी ने कहा नोटबंदी के बाद आर्थिक गतिविधियों में अस्थाई रूप से बाधा उत्पन्न हुई है. नोटबंदी के बाद आर्थिक वृद्धि को लेकर अर्थशास्त्रियों और रेटिंग एजेंसियों द्वारा चिंता व्यक्त किए जाने पर पनगढ़िया ने कहा, ‘‘हर कोई अपने विचार व्यक्त कर रहा है. यह देखने की बात है कि आगे क्या होता है. एचडीएफसी बैंक के आदित्य पुरी ने कहा है कि इस बारे में (जीडीपी वृद्धि पर नोटबंदी का प्रभाव) बढ़ा चढ़ाकर बताया जा रहा है.’’ नोटबंदी को लेकर विपक्षी दलों के विरोध के कारण पिछले कई दिनों से संसद के दोनों सदनों में कामकाज बाधित है. विपक्षी दल इस मुद्दे पर दोनों सदनों में लगातार हंगामा कर कार्यवाही नहीं चलने दे रहे हैं.टिप्पणियां रिजर्व बैंक के नकद आरक्षित अनुपात (सीआरआर) को अस्थाई रूप से बढ़ाने के मुद्दे पर पनगढ़िया ने कहा, ‘‘यह रिजर्व बैंक के अधिकार क्षेत्र का मुद्दा है. बैंकिंग प्रणाली में जब काफी नकदी आ जाती है तो रिजर्व बैंक इस तरह के उपाय करता है.’’ उन्होंने आगे कहा, ‘‘रेपो दर (जिस पर रिजर्व बैंक दूसरे बैंकों को फौरी जरूरत के लिए नकदी उपलब्ध कराता है) और बैंकिंग तंत्र में तरलता एक दूसरे के अनुरूप होनी चाहिए. बैंकिंग तंत्र में करीब 8 लाख करोड़ रुपये आए हैं. अन्य उपाय मौद्रिक स्थिरीकरण योजना के जरिए किए गए. लेकिन इसमें और समय लगता.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) नोटबंदी के बाद आर्थिक वृद्धि को लेकर अर्थशास्त्रियों और रेटिंग एजेंसियों द्वारा चिंता व्यक्त किए जाने पर पनगढ़िया ने कहा, ‘‘हर कोई अपने विचार व्यक्त कर रहा है. यह देखने की बात है कि आगे क्या होता है. एचडीएफसी बैंक के आदित्य पुरी ने कहा है कि इस बारे में (जीडीपी वृद्धि पर नोटबंदी का प्रभाव) बढ़ा चढ़ाकर बताया जा रहा है.’’ नोटबंदी को लेकर विपक्षी दलों के विरोध के कारण पिछले कई दिनों से संसद के दोनों सदनों में कामकाज बाधित है. विपक्षी दल इस मुद्दे पर दोनों सदनों में लगातार हंगामा कर कार्यवाही नहीं चलने दे रहे हैं.टिप्पणियां रिजर्व बैंक के नकद आरक्षित अनुपात (सीआरआर) को अस्थाई रूप से बढ़ाने के मुद्दे पर पनगढ़िया ने कहा, ‘‘यह रिजर्व बैंक के अधिकार क्षेत्र का मुद्दा है. बैंकिंग प्रणाली में जब काफी नकदी आ जाती है तो रिजर्व बैंक इस तरह के उपाय करता है.’’ उन्होंने आगे कहा, ‘‘रेपो दर (जिस पर रिजर्व बैंक दूसरे बैंकों को फौरी जरूरत के लिए नकदी उपलब्ध कराता है) और बैंकिंग तंत्र में तरलता एक दूसरे के अनुरूप होनी चाहिए. बैंकिंग तंत्र में करीब 8 लाख करोड़ रुपये आए हैं. अन्य उपाय मौद्रिक स्थिरीकरण योजना के जरिए किए गए. लेकिन इसमें और समय लगता.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) नोटबंदी को लेकर विपक्षी दलों के विरोध के कारण पिछले कई दिनों से संसद के दोनों सदनों में कामकाज बाधित है. विपक्षी दल इस मुद्दे पर दोनों सदनों में लगातार हंगामा कर कार्यवाही नहीं चलने दे रहे हैं.टिप्पणियां रिजर्व बैंक के नकद आरक्षित अनुपात (सीआरआर) को अस्थाई रूप से बढ़ाने के मुद्दे पर पनगढ़िया ने कहा, ‘‘यह रिजर्व बैंक के अधिकार क्षेत्र का मुद्दा है. बैंकिंग प्रणाली में जब काफी नकदी आ जाती है तो रिजर्व बैंक इस तरह के उपाय करता है.’’ उन्होंने आगे कहा, ‘‘रेपो दर (जिस पर रिजर्व बैंक दूसरे बैंकों को फौरी जरूरत के लिए नकदी उपलब्ध कराता है) और बैंकिंग तंत्र में तरलता एक दूसरे के अनुरूप होनी चाहिए. बैंकिंग तंत्र में करीब 8 लाख करोड़ रुपये आए हैं. अन्य उपाय मौद्रिक स्थिरीकरण योजना के जरिए किए गए. लेकिन इसमें और समय लगता.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) रिजर्व बैंक के नकद आरक्षित अनुपात (सीआरआर) को अस्थाई रूप से बढ़ाने के मुद्दे पर पनगढ़िया ने कहा, ‘‘यह रिजर्व बैंक के अधिकार क्षेत्र का मुद्दा है. बैंकिंग प्रणाली में जब काफी नकदी आ जाती है तो रिजर्व बैंक इस तरह के उपाय करता है.’’ उन्होंने आगे कहा, ‘‘रेपो दर (जिस पर रिजर्व बैंक दूसरे बैंकों को फौरी जरूरत के लिए नकदी उपलब्ध कराता है) और बैंकिंग तंत्र में तरलता एक दूसरे के अनुरूप होनी चाहिए. बैंकिंग तंत्र में करीब 8 लाख करोड़ रुपये आए हैं. अन्य उपाय मौद्रिक स्थिरीकरण योजना के जरिए किए गए. लेकिन इसमें और समय लगता.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
यह एक सारांश है: अर्थव्यवस्था पर काफी सकारात्मक प्रभाव होगा बैंक खातों में जमा राशि बढ़ने के साथ ही वित्तीय मध्यस्थता बढ़ी हम डिजिटल लेनदेन की तरफ बढ़ेंगे तो हमारी लेनदेन क्षमता बढ़ेगी
21
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: तमिलनाडु (Tamil Nadu) के कोयंबटूर (Coimbatore) में ऐसी घटना हुई जिसने हर किसी को हैरान कर दिया. एक महिला को चलती कार से बाहर फेक दिया गया. जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है. इस वीडियो को काफी शेयर किया जा रहा है. आरोप लगाया गया है कि महिला को उसी के पति और सास-ससुर ने कार से बाहर धक्का मारा था. क्योंकि वो उनको मारना चाहते थे. महिला का नाम आरती अरुण (उम्र- 38) है. दोनों के बीच काफी तनाव रहता था. कुछ दिन पहले ही वो अपने दो बच्चों के साथ पति के साथ वापस आई थीं, ताकी वो रिश्ते की नई शुरुआत कर सके.  आरती का पति कथित तौर पर बहुत गाली-गलौच करता था. आरती के पति का नाम अरुण अमलराज है. वो पेशे से इंजीनियर हैं. पति पर हत्या के प्रयास का आरोप लगाया गया है लेकिन अभी तक गिरफ्तार नहीं किया गया है. वो और उसके माता-पिता कई महीनों से गायब हैं.  दोनों की 2008 में शादी हुई थी. दोनों के बीच रिश्ते काफी खराब थे. शादी के 6 साल बाद (2014) उसने शादी तोड़ने का फैसला लिया और दो बच्चों के साथ अपने माता-पिता के घर मुंबई चली गई. आरती ने मुंबई कोर्ट में घरेलू हिंसा का मामला और तलाक की याचिका दर्ज की थी. जिसके बाद अरुण ने सुलह कर ली और फिर से रिश्ते की शुरुआत करने को कहा. आरती मान गई और वापस पति के पास चली गई.  (आरती का पति अरुण अमलराज जो फरार चल रहा है.) दोनों परिवार मई में छुट्टियों क लिए ऊटी गए. आरती के लिए वो ट्रिप सबसे खतरनाक साबित हुई. अरुण फिर गाली-गलौच करने लगा. उसने पत्नी के साथ-साथ बच्चों को भी प्रताड़ित किया. जिसके बाद उसने ऊटी में ही पुलिस से शिकायत की. लेकिन लिखित माफी के बाद वो पति के साथ वापस लौट गई.  आरती ने बताया कि 9 मई को कोयंबटूर में फिर परेशानियां खड़ी हो गई. अरुण ने आरती से अपने माता-पिता को दूर रखने का वादा किया था. जिसके बाद वो कार से अपने माता-पिता को लाया. जब आरती ने इस पर सवाल किया तो उसने आरती को मुक्का मारा और कार से धक्का दे दिया. दिल दहला देने वाला ये CCTV फुटेज सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. उसने बहन के घर के सामने आरती को धक्का दे दिया और फरार हो गया. उसके सिर, कंधे और घुटनों में चोटें आई हैं.  आरती फिलहाल मुंबई में रह रही हैं. आरती ने कहा- 'वो हमें मारना चाहते हैं. हमारी जान को खतरा है. मेरे बेटे ने उसके पिता को स्कूल के बाहर देखा था. वो मेरे बच्चों को निशाना बना सकता है. मैं कैसे बाहर जाकर कमाऊं और कैसे जीवन बिताऊं?' पुलिस का कहना है कि वो फरार है और वक्त आने पर जरूर न्याय मिलेगा. पुलिस ने शुरुआत में आपराधिक धमकी देने और चोट पहुंचाने का मामला दर्ज किया और बाद में उस पर और माता-पिता पर हत्या का प्रयास का मामला दर्ज किया है. NDTV को सीनियर पुलिस ऑफिसर सुजीत कुमार ने बताया- 'परिवार फरार है. हमारी टीम चेन्नई पहुंची थी लेकिन वो फरार हैं. पता चला था कि वो तिरुचिरापल्ली में थे, लेकिन वो वहां भी नहीं थे. हम उनको ढूंढ रहे हैं. जब भी उनको गिरफ्तार किया जाएगा तो न्याय मिलेगा.' जब NDTV ने अरुण को मोबाइल नंबर पर कॉल किया तो उसने ये कहकर फोन काट दिया कि 'मैं अरुण नहीं हूं.' जिसके बाद तुरंत उसने वॉट्सऐप डिस्पले हटा लिया.
सास-ससुर ने बहू को फेंक दिया चलती कार से, वायरल हुआ वीडियो. तमिलनाडु के कोयंबटूर में हुई ये घटना. पति और सास-ससुर फरार चल रहे हैं.
34
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: सरकार ने पाकिस्तान के जाने माने गायक राहत फतेह अली खान के वीजा की अवधि को बढ़ाने का फैसला किया है। खान को 1.24 लाख अमेरिकी डॉलर की राशि कथित तौर पर रखने के चलते राजस्व प्रवर्तन विभाग के अधिकारियों ने दिल्ली हवाई अड्डे पर रोक लिया था। गृह सचिव जीके पिल्लै ने कहा, उनके वीजा की अवधि खत्म हो गयी है। उनके वीजा की अवधि को बढ़ाया जायेगा। पिल्लै ने कहा कि खान का पासपोर्ट पहले ही जब्त किया जा चुका है और उन्हें राजस्व खुफिया निदेशालय के समक्ष 17 फरवरी को पेश होने को कहा गया है। उन्होंने कहा, हमें उम्मीद है कि न्यायिक कार्यवाही हो सकती है। हमें उम्मीद है कि मामला सुलझ जायेगा। अधिकारियों ने राहत तथा उनके दल के कुछ अन्य सदस्यों के पास से रविवार को 1.24 लाख अमेरिकी डॉलर तथा 18,600 डॉलर से अधिक मूल्य के दो डिमांड ड्राफ्ट बरामद करने का दावा किया था। जब राहत को रोका गया तब वह कराची जाने के लिये दुबई के विमान में सवार होने वाले थे। सीमा शुल्क नियमों के तहत बिना घोषणा के अत्यधिक मुद्रा अपने पास रखना अपराध है। ऐसा करने से विदेश विनिमय प्रबंधन कानून के तहत आरोप लगाये जा सकते हैं।
खान को 1.24 लाख अमेरिकी डॉलर की राशि कथित तौर पर रखने के चलते राजस्व प्रवर्तन विभाग के अधिकारियों ने दिल्ली पर रोक लिया था।
1
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: दक्षिण अफ्रीका में मूसलाधार बरसात के चलते एक क्रोकोडाइल फॉर्म के दरवाज़े खोलने पड़े, जिससे लगभग 15,000 मगरमच्छ भाग निकले, और अब शहरियों को बचाने के लिए पुलिस और फौज बुलाकर बचाव कार्य में तैनात की गई हैं। एक स्थानीय दैनिक पत्र 'बील्ड' के मुताबिक देश के उत्तरी छोर पर लिम्पोपो प्रांत में बनाए गए राकवेना क्रोकोडाइल फॉर्म के मालिकों को मूसलाधार बरसात के बाद फ्लडगेट खोलने पड़े, ताकि बाढ़ से बचा जा सके। लेकिन इसी कारण 15,000 मगरमच्छ आज़ाद हो गए। इन मगरमच्छों के शहर में घुस आने के कारण स्थानीय नागरिकों में चौतरफा हड़कंप मचा हुआ है, और डरे हुए लोग अपनी छतों पर चढ़े बैठे हैं। हालांकि कुछ मगरमच्छों को पकड़ भी लिया गया है, लेकिन कम से कम आधे मगरमच्छ अब भी आज़ाद हैं, और दूर-दूर तक निकल गए हैं। कुछ मगरमच्छों को लगभग 120 किलोमीटर दूर एक स्कूल की रग्बी पिच पर भी पाया गया।टिप्पणियां फॉर्म हाउस के मालिक के दामाद ज़ेन लैन्गमैन के मुताबिक शुरू में उसने भी एक मोटरबोट की सहायता से कई स्थानीय निवासियों को छतों से उतारकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। लैन्गमैन ने बताया, जब वह वहां पहुंचा तो मगरमच्छ घरों के इर्द-गिर्द घूम रहे थे। हालांकि, इस दौरान मगरमच्छों द्वारा किसी इंसान पर हमला किए जाने की कोई रिपोर्ट नहीं है, और प्रांत के पुलिस प्रवक्ता हंगवानी मुलाउद्ज़ी ने कहा है कि पुलिस और सेना के जवान लोगों की मदद कर रहे हैं। एक स्थानीय दैनिक पत्र 'बील्ड' के मुताबिक देश के उत्तरी छोर पर लिम्पोपो प्रांत में बनाए गए राकवेना क्रोकोडाइल फॉर्म के मालिकों को मूसलाधार बरसात के बाद फ्लडगेट खोलने पड़े, ताकि बाढ़ से बचा जा सके। लेकिन इसी कारण 15,000 मगरमच्छ आज़ाद हो गए। इन मगरमच्छों के शहर में घुस आने के कारण स्थानीय नागरिकों में चौतरफा हड़कंप मचा हुआ है, और डरे हुए लोग अपनी छतों पर चढ़े बैठे हैं। हालांकि कुछ मगरमच्छों को पकड़ भी लिया गया है, लेकिन कम से कम आधे मगरमच्छ अब भी आज़ाद हैं, और दूर-दूर तक निकल गए हैं। कुछ मगरमच्छों को लगभग 120 किलोमीटर दूर एक स्कूल की रग्बी पिच पर भी पाया गया।टिप्पणियां फॉर्म हाउस के मालिक के दामाद ज़ेन लैन्गमैन के मुताबिक शुरू में उसने भी एक मोटरबोट की सहायता से कई स्थानीय निवासियों को छतों से उतारकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। लैन्गमैन ने बताया, जब वह वहां पहुंचा तो मगरमच्छ घरों के इर्द-गिर्द घूम रहे थे। हालांकि, इस दौरान मगरमच्छों द्वारा किसी इंसान पर हमला किए जाने की कोई रिपोर्ट नहीं है, और प्रांत के पुलिस प्रवक्ता हंगवानी मुलाउद्ज़ी ने कहा है कि पुलिस और सेना के जवान लोगों की मदद कर रहे हैं। इन मगरमच्छों के शहर में घुस आने के कारण स्थानीय नागरिकों में चौतरफा हड़कंप मचा हुआ है, और डरे हुए लोग अपनी छतों पर चढ़े बैठे हैं। हालांकि कुछ मगरमच्छों को पकड़ भी लिया गया है, लेकिन कम से कम आधे मगरमच्छ अब भी आज़ाद हैं, और दूर-दूर तक निकल गए हैं। कुछ मगरमच्छों को लगभग 120 किलोमीटर दूर एक स्कूल की रग्बी पिच पर भी पाया गया।टिप्पणियां फॉर्म हाउस के मालिक के दामाद ज़ेन लैन्गमैन के मुताबिक शुरू में उसने भी एक मोटरबोट की सहायता से कई स्थानीय निवासियों को छतों से उतारकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। लैन्गमैन ने बताया, जब वह वहां पहुंचा तो मगरमच्छ घरों के इर्द-गिर्द घूम रहे थे। हालांकि, इस दौरान मगरमच्छों द्वारा किसी इंसान पर हमला किए जाने की कोई रिपोर्ट नहीं है, और प्रांत के पुलिस प्रवक्ता हंगवानी मुलाउद्ज़ी ने कहा है कि पुलिस और सेना के जवान लोगों की मदद कर रहे हैं। फॉर्म हाउस के मालिक के दामाद ज़ेन लैन्गमैन के मुताबिक शुरू में उसने भी एक मोटरबोट की सहायता से कई स्थानीय निवासियों को छतों से उतारकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। लैन्गमैन ने बताया, जब वह वहां पहुंचा तो मगरमच्छ घरों के इर्द-गिर्द घूम रहे थे। हालांकि, इस दौरान मगरमच्छों द्वारा किसी इंसान पर हमला किए जाने की कोई रिपोर्ट नहीं है, और प्रांत के पुलिस प्रवक्ता हंगवानी मुलाउद्ज़ी ने कहा है कि पुलिस और सेना के जवान लोगों की मदद कर रहे हैं। हालांकि, इस दौरान मगरमच्छों द्वारा किसी इंसान पर हमला किए जाने की कोई रिपोर्ट नहीं है, और प्रांत के पुलिस प्रवक्ता हंगवानी मुलाउद्ज़ी ने कहा है कि पुलिस और सेना के जवान लोगों की मदद कर रहे हैं।
संक्षिप्त सारांश: दक्षिण अफ्रीका में मूसलाधार बरसात के चलते एक क्रोकोडाइल फॉर्म के दरवाज़े खोलने पड़े, और अब शहरियों को बचाने के लिए पुलिस और फौज बुलाकर बचाव कार्य में तैनात की गई हैं।
10
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: बर्लिन की भ्रष्टाचार आकलन एवं निगरानी संस्था ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल (टीआई) ने भ्रष्टाचार के मामले में दुनिया के कुल 176 देशों की सूची में भारत को 79वें स्थान पर रखा है. टीआई की 'सीपीआई-2016' की रपट के अनुसार, न्यूजीलैंड और डेनमार्क को सबसे कम भ्रष्टाचार वाला देश बताया गया है. सर्वेक्षण में इन देशों को 90 अंक मिले हैं, जबकि सोमालिया को सबसे भ्रष्ट देश बताया गया है और उसे केवल 10 अंक मिले हैं. 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2016' में भारत और चीन को भ्रष्टाचार के मामले में एक साथ 79वें स्थान पर रखा गया है. टीआई के सर्वेक्षण में दोनों देशों ने 40-40 अंक हासिल किए हैं. पिछले साल 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2015' की रपट में भारत 38 अंक हासिल करके 76वें स्थान पर था. पिछले साल के सीपीआई सर्वेक्षण में कुल 168 देशों को शामिल किया गया था, जबकि इस साल इस सर्वे में 176 देश शामिल हैं. टीआई के इंडेक्स-2016 के अनुसार कुल 176 देशों मे से करीब दो तिहाई देशों की भ्रष्टाचार रैंकिंग में गिरावट आई है. ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2016' (सीपीआई-2016) के लिए कई स्तरों पर सर्वेक्षण के बाद देशों को अंक प्रदान करता है, जिसके आधार पर सर्वेक्षण में शामिल देशों में भ्रष्टाचार की स्थिति का अनुमान लगाया जाता है.टिप्पणियां भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने नया निर्देश जारी किया है. इसके तहत उम्‍मीदवार हफ्ते में दो लाख रुपये तक निकाल सकेंगे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) टीआई की 'सीपीआई-2016' की रपट के अनुसार, न्यूजीलैंड और डेनमार्क को सबसे कम भ्रष्टाचार वाला देश बताया गया है. सर्वेक्षण में इन देशों को 90 अंक मिले हैं, जबकि सोमालिया को सबसे भ्रष्ट देश बताया गया है और उसे केवल 10 अंक मिले हैं. 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2016' में भारत और चीन को भ्रष्टाचार के मामले में एक साथ 79वें स्थान पर रखा गया है. टीआई के सर्वेक्षण में दोनों देशों ने 40-40 अंक हासिल किए हैं. पिछले साल 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2015' की रपट में भारत 38 अंक हासिल करके 76वें स्थान पर था. पिछले साल के सीपीआई सर्वेक्षण में कुल 168 देशों को शामिल किया गया था, जबकि इस साल इस सर्वे में 176 देश शामिल हैं. टीआई के इंडेक्स-2016 के अनुसार कुल 176 देशों मे से करीब दो तिहाई देशों की भ्रष्टाचार रैंकिंग में गिरावट आई है. ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2016' (सीपीआई-2016) के लिए कई स्तरों पर सर्वेक्षण के बाद देशों को अंक प्रदान करता है, जिसके आधार पर सर्वेक्षण में शामिल देशों में भ्रष्टाचार की स्थिति का अनुमान लगाया जाता है.टिप्पणियां भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने नया निर्देश जारी किया है. इसके तहत उम्‍मीदवार हफ्ते में दो लाख रुपये तक निकाल सकेंगे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2016' में भारत और चीन को भ्रष्टाचार के मामले में एक साथ 79वें स्थान पर रखा गया है. टीआई के सर्वेक्षण में दोनों देशों ने 40-40 अंक हासिल किए हैं. पिछले साल 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2015' की रपट में भारत 38 अंक हासिल करके 76वें स्थान पर था. पिछले साल के सीपीआई सर्वेक्षण में कुल 168 देशों को शामिल किया गया था, जबकि इस साल इस सर्वे में 176 देश शामिल हैं. टीआई के इंडेक्स-2016 के अनुसार कुल 176 देशों मे से करीब दो तिहाई देशों की भ्रष्टाचार रैंकिंग में गिरावट आई है. ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2016' (सीपीआई-2016) के लिए कई स्तरों पर सर्वेक्षण के बाद देशों को अंक प्रदान करता है, जिसके आधार पर सर्वेक्षण में शामिल देशों में भ्रष्टाचार की स्थिति का अनुमान लगाया जाता है.टिप्पणियां भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने नया निर्देश जारी किया है. इसके तहत उम्‍मीदवार हफ्ते में दो लाख रुपये तक निकाल सकेंगे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) पिछले साल 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2015' की रपट में भारत 38 अंक हासिल करके 76वें स्थान पर था. पिछले साल के सीपीआई सर्वेक्षण में कुल 168 देशों को शामिल किया गया था, जबकि इस साल इस सर्वे में 176 देश शामिल हैं. टीआई के इंडेक्स-2016 के अनुसार कुल 176 देशों मे से करीब दो तिहाई देशों की भ्रष्टाचार रैंकिंग में गिरावट आई है. ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2016' (सीपीआई-2016) के लिए कई स्तरों पर सर्वेक्षण के बाद देशों को अंक प्रदान करता है, जिसके आधार पर सर्वेक्षण में शामिल देशों में भ्रष्टाचार की स्थिति का अनुमान लगाया जाता है.टिप्पणियां भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने नया निर्देश जारी किया है. इसके तहत उम्‍मीदवार हफ्ते में दो लाख रुपये तक निकाल सकेंगे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) पिछले साल के सीपीआई सर्वेक्षण में कुल 168 देशों को शामिल किया गया था, जबकि इस साल इस सर्वे में 176 देश शामिल हैं. टीआई के इंडेक्स-2016 के अनुसार कुल 176 देशों मे से करीब दो तिहाई देशों की भ्रष्टाचार रैंकिंग में गिरावट आई है. ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2016' (सीपीआई-2016) के लिए कई स्तरों पर सर्वेक्षण के बाद देशों को अंक प्रदान करता है, जिसके आधार पर सर्वेक्षण में शामिल देशों में भ्रष्टाचार की स्थिति का अनुमान लगाया जाता है.टिप्पणियां भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने नया निर्देश जारी किया है. इसके तहत उम्‍मीदवार हफ्ते में दो लाख रुपये तक निकाल सकेंगे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) टीआई के इंडेक्स-2016 के अनुसार कुल 176 देशों मे से करीब दो तिहाई देशों की भ्रष्टाचार रैंकिंग में गिरावट आई है. ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल 'करप्शन परसेप्शन इंडेक्स-2016' (सीपीआई-2016) के लिए कई स्तरों पर सर्वेक्षण के बाद देशों को अंक प्रदान करता है, जिसके आधार पर सर्वेक्षण में शामिल देशों में भ्रष्टाचार की स्थिति का अनुमान लगाया जाता है.टिप्पणियां भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने नया निर्देश जारी किया है. इसके तहत उम्‍मीदवार हफ्ते में दो लाख रुपये तक निकाल सकेंगे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने नया निर्देश जारी किया है. इसके तहत उम्‍मीदवार हफ्ते में दो लाख रुपये तक निकाल सकेंगे.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
संक्षिप्त सारांश: दुनिया के कुल 176 देशों की सूची में भारत को 79वें स्थान पर रखा है. न्यूजीलैंड और डेनमार्क सबसे कम भ्रष्टाचार वाले देश. इस साल इस सर्वे में 176 देश शामिल हैं.
0
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: द्वीपीय देश पापुआ न्यू गिनी में रविवार को 7.9 तीव्रता के भूकंप के झटके महसूस किए गए, जिसके बाद सुनामी की चेतावनी जारी की गई, लेकिन बाद में यह वापस ले ली गई. अमेरिकी भूगर्भ सर्वेक्षण विभाग (यूएसजीएस) ने बताया कि भूकंप का केंद्र पानगुना से 40 किलोमीटर पश्चिम में 153 किलोमीटर की गहराई में था. पापुआ न्यू गिनी के मौसम विभाग के अनुसार स्थानीय समयानुसार साढ़े तीन बजे पूर्वाह्न आए इस भूकंप से जानमाल के किसी नुकसान की रिपोर्ट नहीं है. राजधानी पोर्ट मोर्सबी स्थित पीएनजी वेधशाला के प्रवक्ता मैथ्यू मोईहोई ने एएफपी से कहा, 'हम जानते हैं कि जितनी गहराई में भूकंप आया है उसमें बड़ा नुकसान होने अथवा ज्यादा लोगों के हताहत होने का खतरा बहुत अधिक नहीं होता.' उन्होंने कहा कि अगर कुछ ज्यादा नुकसान होता तो हमें अभी तक पता चल गया होगा. भूकंप की तीव्रता 8 से घटा कर 7.9 कर दी गई है. भूकंप की तीव्रता देखते हुए प्रशांत सुनामी केंद्र ने शुरुआत में कहा था कि पीएनजी के कुछ तटीय इलाकों और पड़ोसी सोलोमन द्वीप में 0.3 मीटर से एक मीटर ऊंची लहरें उठ सकती हैं. केंद्र ने एक घंटे के बाद चेतावनी यह कहते हुए वापस ले ली कि खतरा अब टल चुका है. टिप्पणियां सहायता समूह 'सेव द चिल्ड्रेन' की पीएनजी कंट्री निदेशक जेनिफर अल सिबाई ने भूकंप को बेहद शक्तिशाली बताया, लेकिन कहा कि इससे नुकसान की रिपोर्ट नहीं है.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) पापुआ न्यू गिनी के मौसम विभाग के अनुसार स्थानीय समयानुसार साढ़े तीन बजे पूर्वाह्न आए इस भूकंप से जानमाल के किसी नुकसान की रिपोर्ट नहीं है. राजधानी पोर्ट मोर्सबी स्थित पीएनजी वेधशाला के प्रवक्ता मैथ्यू मोईहोई ने एएफपी से कहा, 'हम जानते हैं कि जितनी गहराई में भूकंप आया है उसमें बड़ा नुकसान होने अथवा ज्यादा लोगों के हताहत होने का खतरा बहुत अधिक नहीं होता.' उन्होंने कहा कि अगर कुछ ज्यादा नुकसान होता तो हमें अभी तक पता चल गया होगा. भूकंप की तीव्रता 8 से घटा कर 7.9 कर दी गई है. भूकंप की तीव्रता देखते हुए प्रशांत सुनामी केंद्र ने शुरुआत में कहा था कि पीएनजी के कुछ तटीय इलाकों और पड़ोसी सोलोमन द्वीप में 0.3 मीटर से एक मीटर ऊंची लहरें उठ सकती हैं. केंद्र ने एक घंटे के बाद चेतावनी यह कहते हुए वापस ले ली कि खतरा अब टल चुका है. टिप्पणियां सहायता समूह 'सेव द चिल्ड्रेन' की पीएनजी कंट्री निदेशक जेनिफर अल सिबाई ने भूकंप को बेहद शक्तिशाली बताया, लेकिन कहा कि इससे नुकसान की रिपोर्ट नहीं है.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) उन्होंने कहा कि अगर कुछ ज्यादा नुकसान होता तो हमें अभी तक पता चल गया होगा. भूकंप की तीव्रता 8 से घटा कर 7.9 कर दी गई है. भूकंप की तीव्रता देखते हुए प्रशांत सुनामी केंद्र ने शुरुआत में कहा था कि पीएनजी के कुछ तटीय इलाकों और पड़ोसी सोलोमन द्वीप में 0.3 मीटर से एक मीटर ऊंची लहरें उठ सकती हैं. केंद्र ने एक घंटे के बाद चेतावनी यह कहते हुए वापस ले ली कि खतरा अब टल चुका है. टिप्पणियां सहायता समूह 'सेव द चिल्ड्रेन' की पीएनजी कंट्री निदेशक जेनिफर अल सिबाई ने भूकंप को बेहद शक्तिशाली बताया, लेकिन कहा कि इससे नुकसान की रिपोर्ट नहीं है.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) सहायता समूह 'सेव द चिल्ड्रेन' की पीएनजी कंट्री निदेशक जेनिफर अल सिबाई ने भूकंप को बेहद शक्तिशाली बताया, लेकिन कहा कि इससे नुकसान की रिपोर्ट नहीं है.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
भूकंप का केंद्र पानगुना से 40 किमी पश्चिम में 153 किमी की गहराई में था सुनामी की चेतावनी जारी किए जाने के एक घंटे बाद वापस ले ली गई भूकंप से जानमाल के नुकसान की कोई खबर नहीं
34
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: भारत का कोई भी चोटी का क्रिकेटर पिछले सत्र में अपने प्रदर्शन के लिए प्रतिष्ठित अर्जुन पुरस्कार के लिए नामांकन हासिल नहीं कर पाए। खेल मंत्रालय और भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) के बीच संवादहीनता के कारण ऐसा हुआ है। विभिन्न खेल संघों के उम्मीदवारों के नाम भेजने की तारीख समाप्त हो गई है और पता चला है कि बीसीसीआई ने कोई नाम नहीं भेजा है, जबकि 2011 में सीनियर क्रिकेट टीम ने विश्व कप जीता था, जबकि विराट कोहली वनडे में सर्वाधिक रन बनाने वाले खिलाड़ियों में शामिल थे।टिप्पणियां बीसीसीआई के मुख्य प्रशासनिक अधिकारी रत्नाकर शेट्टी ने कहा, हमें खेल मंत्रालय से अर्जुन पुरस्कारों के नामांकन के संबंध में कोई फार्म नहीं मिला है। मैं आपको कह सकता हूं कि यह पहली बार हुआ है कि हमें वह प्रारूप नहीं मिला है, जिसे भरना होता है और जिस पर हमारे नामित व्यक्ति के हस्ताक्षर होंगे। जब उन्होंने हमें सूचना ही नहीं भेजी, तो फिर हम नाम कैसे भेजें। शेट्टी ने कहा कि क्रिकेटर के चयन की प्रक्रिया और सभी औपचारिकताओं को पूरा करने में कुछ समय लगता है और खेल मंत्रालय के लोग ही बता सकते हैं कि हमें फार्म क्यों नहीं मिला। खेलमंत्री अजय माकन के ओएसडी अभिजीत राय ने संपर्क करने पर बताया कि बीसीसीआई को फार्म भेजने का सवाल ही नहीं उठता, क्योंकि यह इंटरनेट पर उपलब्ध है। कोई भी खेल संघ से डाउनलोड करके भर सकता है। फिलहाल मैं आपको आगे की कोई भी जानकारी देने में असमर्थ हूं कि बीसीसीआई ने अपना नामांकन क्यों नहीं भेजा। विभिन्न खेल संघों के उम्मीदवारों के नाम भेजने की तारीख समाप्त हो गई है और पता चला है कि बीसीसीआई ने कोई नाम नहीं भेजा है, जबकि 2011 में सीनियर क्रिकेट टीम ने विश्व कप जीता था, जबकि विराट कोहली वनडे में सर्वाधिक रन बनाने वाले खिलाड़ियों में शामिल थे।टिप्पणियां बीसीसीआई के मुख्य प्रशासनिक अधिकारी रत्नाकर शेट्टी ने कहा, हमें खेल मंत्रालय से अर्जुन पुरस्कारों के नामांकन के संबंध में कोई फार्म नहीं मिला है। मैं आपको कह सकता हूं कि यह पहली बार हुआ है कि हमें वह प्रारूप नहीं मिला है, जिसे भरना होता है और जिस पर हमारे नामित व्यक्ति के हस्ताक्षर होंगे। जब उन्होंने हमें सूचना ही नहीं भेजी, तो फिर हम नाम कैसे भेजें। शेट्टी ने कहा कि क्रिकेटर के चयन की प्रक्रिया और सभी औपचारिकताओं को पूरा करने में कुछ समय लगता है और खेल मंत्रालय के लोग ही बता सकते हैं कि हमें फार्म क्यों नहीं मिला। खेलमंत्री अजय माकन के ओएसडी अभिजीत राय ने संपर्क करने पर बताया कि बीसीसीआई को फार्म भेजने का सवाल ही नहीं उठता, क्योंकि यह इंटरनेट पर उपलब्ध है। कोई भी खेल संघ से डाउनलोड करके भर सकता है। फिलहाल मैं आपको आगे की कोई भी जानकारी देने में असमर्थ हूं कि बीसीसीआई ने अपना नामांकन क्यों नहीं भेजा। बीसीसीआई के मुख्य प्रशासनिक अधिकारी रत्नाकर शेट्टी ने कहा, हमें खेल मंत्रालय से अर्जुन पुरस्कारों के नामांकन के संबंध में कोई फार्म नहीं मिला है। मैं आपको कह सकता हूं कि यह पहली बार हुआ है कि हमें वह प्रारूप नहीं मिला है, जिसे भरना होता है और जिस पर हमारे नामित व्यक्ति के हस्ताक्षर होंगे। जब उन्होंने हमें सूचना ही नहीं भेजी, तो फिर हम नाम कैसे भेजें। शेट्टी ने कहा कि क्रिकेटर के चयन की प्रक्रिया और सभी औपचारिकताओं को पूरा करने में कुछ समय लगता है और खेल मंत्रालय के लोग ही बता सकते हैं कि हमें फार्म क्यों नहीं मिला। खेलमंत्री अजय माकन के ओएसडी अभिजीत राय ने संपर्क करने पर बताया कि बीसीसीआई को फार्म भेजने का सवाल ही नहीं उठता, क्योंकि यह इंटरनेट पर उपलब्ध है। कोई भी खेल संघ से डाउनलोड करके भर सकता है। फिलहाल मैं आपको आगे की कोई भी जानकारी देने में असमर्थ हूं कि बीसीसीआई ने अपना नामांकन क्यों नहीं भेजा। शेट्टी ने कहा कि क्रिकेटर के चयन की प्रक्रिया और सभी औपचारिकताओं को पूरा करने में कुछ समय लगता है और खेल मंत्रालय के लोग ही बता सकते हैं कि हमें फार्म क्यों नहीं मिला। खेलमंत्री अजय माकन के ओएसडी अभिजीत राय ने संपर्क करने पर बताया कि बीसीसीआई को फार्म भेजने का सवाल ही नहीं उठता, क्योंकि यह इंटरनेट पर उपलब्ध है। कोई भी खेल संघ से डाउनलोड करके भर सकता है। फिलहाल मैं आपको आगे की कोई भी जानकारी देने में असमर्थ हूं कि बीसीसीआई ने अपना नामांकन क्यों नहीं भेजा।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: भारत का कोई भी चोटी का क्रिकेटर पिछले सत्र में अपने प्रदर्शन के लिए प्रतिष्ठित अर्जुन पुरस्कार के लिए नामांकन हासिल नहीं कर पाए। खेल मंत्रालय और बीसीसीआई के बीच संवादहीनता के कारण ऐसा हुआ है।
11
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: विश्व के दूसरे वरीयता प्राप्त टेनिस खिलाड़ी सर्बिया के नोवाक जोकोविक ने पांच चैम्पियनशिप अंक बचाते हुए रविवार को ब्रिटेन के एंडी मरे को हराकर शंघाई मास्टर्स टेनिस टूर्नामेंट का पुरुषों का एकल खिताब जीत लिया। शंघाई में अपनी पहली खिताबी जीत हासिल करने वाले जोकोविक ने अमेरिकी ओपन चैम्पियन मरे को 5-7, 7-6 (11), 6-3 से पराजित किया। यह एक सप्ताह में जोकोविक का दूसरा खिताब है। इससे पहले उन्होंने जो विल्फ्रेड सोंगा को हराकर बीजिंग ओपन का खिताब जीता था। इस तरह जोकोविक ने मरे से लंदन ओलिंपिक के सेमीफाइनल और अमेरिकी ओपन फाइनल में मिली हार का हिसाब बराबर कर लिया।टिप्पणियां फाइनल में जगह बनाने के लिए मरे ने विश्व के सर्वोच्च वरीयता प्राप्त खिलाड़ी स्विट्जरलैंड के रोजर फेडरर को हराया था जबकि जोकोविक ने थॉमस बेरडिच को पराजित किया था। इससे पहले, रविवार को भारत के लिएंडर पेस और चेक गणराज्य के राडेक स्टेपानेक की जोड़ी ने टूर्नामेंट का युगल खिताब अपने नाम किया। इस जोड़ी ने भारत के महेश भूपति और रोहन बोपन्ना को 6-7 (7-9), 6-3, 10-5 से हराया। शंघाई में अपनी पहली खिताबी जीत हासिल करने वाले जोकोविक ने अमेरिकी ओपन चैम्पियन मरे को 5-7, 7-6 (11), 6-3 से पराजित किया। यह एक सप्ताह में जोकोविक का दूसरा खिताब है। इससे पहले उन्होंने जो विल्फ्रेड सोंगा को हराकर बीजिंग ओपन का खिताब जीता था। इस तरह जोकोविक ने मरे से लंदन ओलिंपिक के सेमीफाइनल और अमेरिकी ओपन फाइनल में मिली हार का हिसाब बराबर कर लिया।टिप्पणियां फाइनल में जगह बनाने के लिए मरे ने विश्व के सर्वोच्च वरीयता प्राप्त खिलाड़ी स्विट्जरलैंड के रोजर फेडरर को हराया था जबकि जोकोविक ने थॉमस बेरडिच को पराजित किया था। इससे पहले, रविवार को भारत के लिएंडर पेस और चेक गणराज्य के राडेक स्टेपानेक की जोड़ी ने टूर्नामेंट का युगल खिताब अपने नाम किया। इस जोड़ी ने भारत के महेश भूपति और रोहन बोपन्ना को 6-7 (7-9), 6-3, 10-5 से हराया। इस तरह जोकोविक ने मरे से लंदन ओलिंपिक के सेमीफाइनल और अमेरिकी ओपन फाइनल में मिली हार का हिसाब बराबर कर लिया।टिप्पणियां फाइनल में जगह बनाने के लिए मरे ने विश्व के सर्वोच्च वरीयता प्राप्त खिलाड़ी स्विट्जरलैंड के रोजर फेडरर को हराया था जबकि जोकोविक ने थॉमस बेरडिच को पराजित किया था। इससे पहले, रविवार को भारत के लिएंडर पेस और चेक गणराज्य के राडेक स्टेपानेक की जोड़ी ने टूर्नामेंट का युगल खिताब अपने नाम किया। इस जोड़ी ने भारत के महेश भूपति और रोहन बोपन्ना को 6-7 (7-9), 6-3, 10-5 से हराया। फाइनल में जगह बनाने के लिए मरे ने विश्व के सर्वोच्च वरीयता प्राप्त खिलाड़ी स्विट्जरलैंड के रोजर फेडरर को हराया था जबकि जोकोविक ने थॉमस बेरडिच को पराजित किया था। इससे पहले, रविवार को भारत के लिएंडर पेस और चेक गणराज्य के राडेक स्टेपानेक की जोड़ी ने टूर्नामेंट का युगल खिताब अपने नाम किया। इस जोड़ी ने भारत के महेश भूपति और रोहन बोपन्ना को 6-7 (7-9), 6-3, 10-5 से हराया। इससे पहले, रविवार को भारत के लिएंडर पेस और चेक गणराज्य के राडेक स्टेपानेक की जोड़ी ने टूर्नामेंट का युगल खिताब अपने नाम किया। इस जोड़ी ने भारत के महेश भूपति और रोहन बोपन्ना को 6-7 (7-9), 6-3, 10-5 से हराया।
यह एक सारांश है: विश्व के दूसरे वरीयता प्राप्त टेनिस खिलाड़ी सर्बिया के नोवाक जोकोविक ने पांच चैम्पियनशिप अंक बचाते हुए रविवार को ब्रिटेन के एंडी मरे को हराकर शंघाई मास्टर्स टेनिस टूर्नामेंट का पुरुषों का एकल खिताब जीत लिया।
24
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: विदेश मंत्री एसएम कृष्णा ने शुक्रवार को कहा कि पाकिस्तान, भारत के साथ ईमानदारी के साथ पेश नहीं आ रहा है। कृष्णा ने इस बात से सहमति जताई कि संदिग्ध आतंकवादी तहव्वुर राणा के मुकदमे में इस्लामाबाद ने रोड़ा अटकाया है। कृष्णा से संवाददताओं ने जब पूछा कि क्या भारत मानता है कि अमेरिका में सुनवाई पाकिस्तान के कारण प्रभावित हुई है, उन्होंने कहा, "जी हां, निश्चित रूप से ऐसा हुआ है। पाकिस्तान हमारे साथ ईमानदारी से पेश नहीं आ रहा है। और हम अपने द्विपक्षीय रिश्ते के व्यापक हित में उम्मीद करेंगे कि पाकिस्तान इस मुद्दे पर ईमानदारी के साथ पेश आए।" कृष्णा ने कहा कि राणा के करीबी मित्र डेविड कोलमैन हेडली द्वारा किए गए उन खुलासों के बाद पाकिस्तान को चाहिए कि वह मुम्बई हमले के संदिग्धों को अपने देश में दंडित करे, जिसमें उसने कहा था कि भारत में आतंकवादी लक्ष्यों का मुआयना करने के लिए पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी, इंटर-सर्विसिस इंटेलिजेंस (आईएसआई) ने उसे धन उपलब्ध कराया था। कृष्णा ने कहा, "सच्चाई यह है कि पिछले कुछ महीनों के दौरान जब सुनवाई चल रही थी तो ऐसी खबरें आई थीं कि दोनों संदिग्धों के बीच ठोस रिश्ते के सबूत थे। यह कुछ ऐसा तथ्य है, जिस पर पाकिस्तान को गम्भीरता से विचार करना चाहिए।" कृष्णा ने पाकिस्तान से यह भी कहा कि वह अपने यहां पारदर्शिता के साथ मामले की जांच करे, जो कि उसके हित में है, क्षेत्र के हित में है और भारत-पाकिस्तान के द्विपक्षीय सम्बंधों के हित में है। कृष्णा ने कहा, "मुम्बई हमले की साजिश की बहुत ही पारदर्शी तरीके से जांच की जानी चाहिए ताकि हमें भी संतोष मिल सके।" कृष्णा ने कहा कि मुम्बई हमले के मामले में अमेरिकी अदालत में राणा का बरी होना भारत के लिए संतोषजनक नहीं है। कष्णा ने फैसले के बारे में कहा, "न्यायिक प्रक्रिया ने अपने विचार दिए हैं, जिससे हम बहुत संतुष्ट नहीं हैं।"
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: विदेश मंत्री एसएम कृष्णा ने शुक्रवार को कहा कि पाकिस्तान, भारत के साथ ईमानदारी के साथ पेश नहीं आ रहा है।
25
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: ताजमहल के अगले पांच साल में ढह जाने की अंदेशा जताने वाली मीडिया की खबरों पर उच्चतम न्यायालय ने केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार से जवाब मांगा। न्यायमूर्ति डीके जैन और न्यायमूर्ति एआर दवे की एक पीठ ने उत्तर प्रदेश सरकार, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण और पर्यावरण एवं वन मंत्रालय को नोटिस जारी किया है तथा उन्हें दो हफ्ते के अंदर जवाब दाखिल करने को कहा है। खबर के मुताबिक इस स्मारक की नींव कथित तौर पर कमजोर हो रही है क्योंकि इमारत की महोगनी (सदाबहार वृक्ष) का पोषण करने वाली यमुना नदी वनों की कटाई और प्रदूषण के चलते सूख रही है। यह कहा गया है कि इस मशहूर स्मारक की नींव को नुकसान पहुंचा है और कूप में इस्तेमाल की गई लकड़ियां सड़ गई हैं। यहा कहा गया है कि यमुना का पानी स्मारक की विशाल नींव को कायम रखने के लिए आवश्यक है। इसकी विशाल नींव कूप, मेहराब और लकड़ी की तीलियों के चक्र की एक जटिल प्रणाली को सहारा देती है। शुष्क वातावरण से साल की लकड़ी को नुकसान पहुंच सकता है और यह नष्ट हो सकती है। गौरतलब है कि ताजमहल को मुगल शासक शाहजहां ने अपनी तीसरी पत्नी मुमताज की याद में 17वीं सदी में बनवाया था। बहरहाल, इस मामले की अगली सुनवाई 15 नवंबर को की जाएगी।
संक्षिप्त सारांश: ताजमहल के अगले पांच साल में ढह जाने की अंदेशा जताने वाली मीडिया की खबरों पर उच्चतम न्यायालय ने केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार से जवाब मांगा।
0
['hin']
एक सारांश बनाओ: भाजपा ने सरकार से जानना चाहा कि वह कौन ‘परिवार’ है जिसे हेलिकॉप्टर सौदा घोटाले में 200 करोड़ रुपये बतौर रिश्वत देने की बात इटली की अदालत में दाखिल आरोप पत्र में कही गई है। पार्टी ने हेलिकॉप्टर खरीद घोटाले की तहकीकात विशेष जांच दल से या उच्चतम न्यायालय की निगरानी में कराने की मांग करते हुए भारत के एक ‘परिवार’ को रिश्वत दिए जाने के राज़ से पर्दा उठाने की मांग की। भाजपा के प्रवक्ता प्रकाश जावड़ेकर ने इस घोटाले के संदर्भ में पार्टी की ओर से सरकार के सामने छह सवाल रखते हुए उनका जवाब देने को कहा।टिप्पणियां इन सवालों में प्रमुख है, ‘इतालवी अदालत में दाखिल आरोप पत्र में दो जगह परिवार (द फैमिली) को तकरीबन 200 करोड़ रुपये का भुगतान करने का जिक्र किया गया है। देश जानना चाहता है कि यह परिवार कौन है?’ सवालों में यह भी है कि हेलिकॉप्टर सौदे को अंतिम रूप किसने दिया और उस पर हस्ताक्षर किसने किए, रिश्वत किसने प्राप्त की, हैश्के और एमार एमजीएफ में क्या संबंध है, आईडीएस इंडिया की इस घोटाले में क्या भूमिका है और क्या सरकार ने घोटाले के बारे में जानकारी हासिल करने के लिए इटली सरकार को पत्र लिखा है। पार्टी ने हेलिकॉप्टर खरीद घोटाले की तहकीकात विशेष जांच दल से या उच्चतम न्यायालय की निगरानी में कराने की मांग करते हुए भारत के एक ‘परिवार’ को रिश्वत दिए जाने के राज़ से पर्दा उठाने की मांग की। भाजपा के प्रवक्ता प्रकाश जावड़ेकर ने इस घोटाले के संदर्भ में पार्टी की ओर से सरकार के सामने छह सवाल रखते हुए उनका जवाब देने को कहा।टिप्पणियां इन सवालों में प्रमुख है, ‘इतालवी अदालत में दाखिल आरोप पत्र में दो जगह परिवार (द फैमिली) को तकरीबन 200 करोड़ रुपये का भुगतान करने का जिक्र किया गया है। देश जानना चाहता है कि यह परिवार कौन है?’ सवालों में यह भी है कि हेलिकॉप्टर सौदे को अंतिम रूप किसने दिया और उस पर हस्ताक्षर किसने किए, रिश्वत किसने प्राप्त की, हैश्के और एमार एमजीएफ में क्या संबंध है, आईडीएस इंडिया की इस घोटाले में क्या भूमिका है और क्या सरकार ने घोटाले के बारे में जानकारी हासिल करने के लिए इटली सरकार को पत्र लिखा है। भाजपा के प्रवक्ता प्रकाश जावड़ेकर ने इस घोटाले के संदर्भ में पार्टी की ओर से सरकार के सामने छह सवाल रखते हुए उनका जवाब देने को कहा।टिप्पणियां इन सवालों में प्रमुख है, ‘इतालवी अदालत में दाखिल आरोप पत्र में दो जगह परिवार (द फैमिली) को तकरीबन 200 करोड़ रुपये का भुगतान करने का जिक्र किया गया है। देश जानना चाहता है कि यह परिवार कौन है?’ सवालों में यह भी है कि हेलिकॉप्टर सौदे को अंतिम रूप किसने दिया और उस पर हस्ताक्षर किसने किए, रिश्वत किसने प्राप्त की, हैश्के और एमार एमजीएफ में क्या संबंध है, आईडीएस इंडिया की इस घोटाले में क्या भूमिका है और क्या सरकार ने घोटाले के बारे में जानकारी हासिल करने के लिए इटली सरकार को पत्र लिखा है। इन सवालों में प्रमुख है, ‘इतालवी अदालत में दाखिल आरोप पत्र में दो जगह परिवार (द फैमिली) को तकरीबन 200 करोड़ रुपये का भुगतान करने का जिक्र किया गया है। देश जानना चाहता है कि यह परिवार कौन है?’ सवालों में यह भी है कि हेलिकॉप्टर सौदे को अंतिम रूप किसने दिया और उस पर हस्ताक्षर किसने किए, रिश्वत किसने प्राप्त की, हैश्के और एमार एमजीएफ में क्या संबंध है, आईडीएस इंडिया की इस घोटाले में क्या भूमिका है और क्या सरकार ने घोटाले के बारे में जानकारी हासिल करने के लिए इटली सरकार को पत्र लिखा है। सवालों में यह भी है कि हेलिकॉप्टर सौदे को अंतिम रूप किसने दिया और उस पर हस्ताक्षर किसने किए, रिश्वत किसने प्राप्त की, हैश्के और एमार एमजीएफ में क्या संबंध है, आईडीएस इंडिया की इस घोटाले में क्या भूमिका है और क्या सरकार ने घोटाले के बारे में जानकारी हासिल करने के लिए इटली सरकार को पत्र लिखा है।
यह एक सारांश है: भाजपा ने सरकार से जानना चाहा कि वह कौन ‘परिवार’ है जिसे हेलिकॉप्टर सौदा घोटाले में 200 करोड़ रुपये बतौर रिश्वत देने की बात इटली की अदालत में दाखिल आरोप पत्र में कही गई है।
21
['hin']
एक सारांश बनाओ: दो साल पहले आईसीसी पीपुल्स च्वाइस अवॉर्ड जीतने वाले मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर को इस साल एक बार फिर इस पुरस्कार के लिए नामित किया गया है। इस पुरस्कार के संभावितों में श्रीलंकाई खिलाड़ी कुमार संगकारा, दक्षिण अफ्रीकी खिलाड़ी वर्नोन फिलांडर और जैक कैलिस तथा इंग्लैंड के जेम्स एंडरसन को भी शामिल किया गया है। संगकारा साल 2011 और तेंदुलकर 2010 में यह पुरस्कार हासिल कर चुके हैं।टिप्पणियां पुरस्कार के इतिहास में यह तीसरी बार है, जब प्रशंसकों को विजेता चुनने का अवसर मिलेगा। प्रशंसक आईसीसी के आधिकारिक फेसबुक पेज के जरिये पसंदीदा क्रिकेटर चुनने का मौका होगा। बयान के अनुसार, 31 अगस्त की मध्यरात्रि तक वोट देने का मौका होगा, जबकि विजेता की घोषणा 15 सितंबर को कोलंबो में एलजी आईसीसी पुरस्कार के दौरान की जाएगी। इस पुरस्कार के संभावितों में श्रीलंकाई खिलाड़ी कुमार संगकारा, दक्षिण अफ्रीकी खिलाड़ी वर्नोन फिलांडर और जैक कैलिस तथा इंग्लैंड के जेम्स एंडरसन को भी शामिल किया गया है। संगकारा साल 2011 और तेंदुलकर 2010 में यह पुरस्कार हासिल कर चुके हैं।टिप्पणियां पुरस्कार के इतिहास में यह तीसरी बार है, जब प्रशंसकों को विजेता चुनने का अवसर मिलेगा। प्रशंसक आईसीसी के आधिकारिक फेसबुक पेज के जरिये पसंदीदा क्रिकेटर चुनने का मौका होगा। बयान के अनुसार, 31 अगस्त की मध्यरात्रि तक वोट देने का मौका होगा, जबकि विजेता की घोषणा 15 सितंबर को कोलंबो में एलजी आईसीसी पुरस्कार के दौरान की जाएगी। पुरस्कार के इतिहास में यह तीसरी बार है, जब प्रशंसकों को विजेता चुनने का अवसर मिलेगा। प्रशंसक आईसीसी के आधिकारिक फेसबुक पेज के जरिये पसंदीदा क्रिकेटर चुनने का मौका होगा। बयान के अनुसार, 31 अगस्त की मध्यरात्रि तक वोट देने का मौका होगा, जबकि विजेता की घोषणा 15 सितंबर को कोलंबो में एलजी आईसीसी पुरस्कार के दौरान की जाएगी। बयान के अनुसार, 31 अगस्त की मध्यरात्रि तक वोट देने का मौका होगा, जबकि विजेता की घोषणा 15 सितंबर को कोलंबो में एलजी आईसीसी पुरस्कार के दौरान की जाएगी।
यहाँ एक सारांश है:दो साल पहले आईसीसी पीपुल्स च्वाइस अवॉर्ड जीतने वाले मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर को इस साल एक बार फिर इस पुरस्कार के लिए नामित किया गया है।
15
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के ड्रीम प्रोजेक्ट जलयुक्त शिवार पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाने वाले शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे को बीजेपी ने करारा जवाब दिया है. बीजेपी ने कहा है कि शिवसेना बिना आधार के ही आरोप लगा रही है. मीडिया में जाने से पहले उसे पूरे मामले की जानकारी जुटानी चाहिए थी. बता दें कि उद्धव ठाकरे ने सोमवार को जलयुक्त शिवार सिंचाई योजना में भ्रष्टाचार होने का आरोप लगाते हुए सवाल उठाया था कि कांग्रेस-एनसीपी कार्यकाल में हुए सिंचाई घोटाले से अब क्या अलग हो रहा है. शिवसेना पार्टी प्रमुख ने अपने मंत्री रामदास कदम के हवाले से सिंचाई स्कीम में भ्रष्टाचार का आरोप लगाया था. शिवसेना मंत्री का दावा है कि रत्नागिरी के एक प्रोजेक्ट में 5 करोड़ के झूठे बिल दे कर रकम हड़प कर ली गई.  उद्धव ठाकरे के आरोपों का जवाब देने के लिए बीजेपी की तरफ़ से जलसंरक्षण मंत्री राम शिंदे ने शिवसेना पर निशाना साधा. जलयुक्त शिवार राम शिंदे के विभाग के तहत चलाया जाता है.  राम शिंदे ने कहा कि जिस प्रोजेक्ट में भ्रष्टाचार का आरोप शिवसेना लगा रही है उस प्रोजेक्ट के जांच के आदेश दिए जा चुके हैं. जलयुक्त शिवार के तहत होने वाला सरकारी काम सम्पूर्ण रूप से निगरानी के अधीन है. ऐसे में भ्रष्टाचार का आरोप मीडिया में जा कर लगाने से पहले शिवसेना के नेता जानकारी लेते और संबंधित विभाग से बात से बात करते तो और अच्छा होता. टिप्पणियां जलयुक्त शिवार मतलब बारिश के पानी को इकट्ठा कर रखने की पहल. इस सूक्ष्म सिंचाई योजना के तहत नदी-नालों को चौड़ा और गहरा करने के काम ठेके पर दिए जाता है. शिवसेना का आक्षेप है कि कोंकण में प्रशासन और ठेकेदार की मिलीभगत ने इस परियोजना का कबाड़ा कर दिया है.  बता दें कि जलयुक्त शिवार योजना (खेती के लिए जल प्रदान करने की योजना) के तहत हर साल राज्य के 5,000 गांवों को पानी की समस्या से छुटकारा दिलाया जाएगा. मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस के अनुसार, 2019 तक राज्य के एक बड़े हिस्से को जल संकट से मुक्ति दिला देंगे. बता दें कि उद्धव ठाकरे ने सोमवार को जलयुक्त शिवार सिंचाई योजना में भ्रष्टाचार होने का आरोप लगाते हुए सवाल उठाया था कि कांग्रेस-एनसीपी कार्यकाल में हुए सिंचाई घोटाले से अब क्या अलग हो रहा है. शिवसेना पार्टी प्रमुख ने अपने मंत्री रामदास कदम के हवाले से सिंचाई स्कीम में भ्रष्टाचार का आरोप लगाया था. शिवसेना मंत्री का दावा है कि रत्नागिरी के एक प्रोजेक्ट में 5 करोड़ के झूठे बिल दे कर रकम हड़प कर ली गई.  उद्धव ठाकरे के आरोपों का जवाब देने के लिए बीजेपी की तरफ़ से जलसंरक्षण मंत्री राम शिंदे ने शिवसेना पर निशाना साधा. जलयुक्त शिवार राम शिंदे के विभाग के तहत चलाया जाता है.  राम शिंदे ने कहा कि जिस प्रोजेक्ट में भ्रष्टाचार का आरोप शिवसेना लगा रही है उस प्रोजेक्ट के जांच के आदेश दिए जा चुके हैं. जलयुक्त शिवार के तहत होने वाला सरकारी काम सम्पूर्ण रूप से निगरानी के अधीन है. ऐसे में भ्रष्टाचार का आरोप मीडिया में जा कर लगाने से पहले शिवसेना के नेता जानकारी लेते और संबंधित विभाग से बात से बात करते तो और अच्छा होता. टिप्पणियां जलयुक्त शिवार मतलब बारिश के पानी को इकट्ठा कर रखने की पहल. इस सूक्ष्म सिंचाई योजना के तहत नदी-नालों को चौड़ा और गहरा करने के काम ठेके पर दिए जाता है. शिवसेना का आक्षेप है कि कोंकण में प्रशासन और ठेकेदार की मिलीभगत ने इस परियोजना का कबाड़ा कर दिया है.  बता दें कि जलयुक्त शिवार योजना (खेती के लिए जल प्रदान करने की योजना) के तहत हर साल राज्य के 5,000 गांवों को पानी की समस्या से छुटकारा दिलाया जाएगा. मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस के अनुसार, 2019 तक राज्य के एक बड़े हिस्से को जल संकट से मुक्ति दिला देंगे. उद्धव ठाकरे के आरोपों का जवाब देने के लिए बीजेपी की तरफ़ से जलसंरक्षण मंत्री राम शिंदे ने शिवसेना पर निशाना साधा. जलयुक्त शिवार राम शिंदे के विभाग के तहत चलाया जाता है.  राम शिंदे ने कहा कि जिस प्रोजेक्ट में भ्रष्टाचार का आरोप शिवसेना लगा रही है उस प्रोजेक्ट के जांच के आदेश दिए जा चुके हैं. जलयुक्त शिवार के तहत होने वाला सरकारी काम सम्पूर्ण रूप से निगरानी के अधीन है. ऐसे में भ्रष्टाचार का आरोप मीडिया में जा कर लगाने से पहले शिवसेना के नेता जानकारी लेते और संबंधित विभाग से बात से बात करते तो और अच्छा होता. टिप्पणियां जलयुक्त शिवार मतलब बारिश के पानी को इकट्ठा कर रखने की पहल. इस सूक्ष्म सिंचाई योजना के तहत नदी-नालों को चौड़ा और गहरा करने के काम ठेके पर दिए जाता है. शिवसेना का आक्षेप है कि कोंकण में प्रशासन और ठेकेदार की मिलीभगत ने इस परियोजना का कबाड़ा कर दिया है.  बता दें कि जलयुक्त शिवार योजना (खेती के लिए जल प्रदान करने की योजना) के तहत हर साल राज्य के 5,000 गांवों को पानी की समस्या से छुटकारा दिलाया जाएगा. मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस के अनुसार, 2019 तक राज्य के एक बड़े हिस्से को जल संकट से मुक्ति दिला देंगे. राम शिंदे ने कहा कि जिस प्रोजेक्ट में भ्रष्टाचार का आरोप शिवसेना लगा रही है उस प्रोजेक्ट के जांच के आदेश दिए जा चुके हैं. जलयुक्त शिवार के तहत होने वाला सरकारी काम सम्पूर्ण रूप से निगरानी के अधीन है. ऐसे में भ्रष्टाचार का आरोप मीडिया में जा कर लगाने से पहले शिवसेना के नेता जानकारी लेते और संबंधित विभाग से बात से बात करते तो और अच्छा होता. टिप्पणियां जलयुक्त शिवार मतलब बारिश के पानी को इकट्ठा कर रखने की पहल. इस सूक्ष्म सिंचाई योजना के तहत नदी-नालों को चौड़ा और गहरा करने के काम ठेके पर दिए जाता है. शिवसेना का आक्षेप है कि कोंकण में प्रशासन और ठेकेदार की मिलीभगत ने इस परियोजना का कबाड़ा कर दिया है.  बता दें कि जलयुक्त शिवार योजना (खेती के लिए जल प्रदान करने की योजना) के तहत हर साल राज्य के 5,000 गांवों को पानी की समस्या से छुटकारा दिलाया जाएगा. मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस के अनुसार, 2019 तक राज्य के एक बड़े हिस्से को जल संकट से मुक्ति दिला देंगे. जलयुक्त शिवार मतलब बारिश के पानी को इकट्ठा कर रखने की पहल. इस सूक्ष्म सिंचाई योजना के तहत नदी-नालों को चौड़ा और गहरा करने के काम ठेके पर दिए जाता है. शिवसेना का आक्षेप है कि कोंकण में प्रशासन और ठेकेदार की मिलीभगत ने इस परियोजना का कबाड़ा कर दिया है.  बता दें कि जलयुक्त शिवार योजना (खेती के लिए जल प्रदान करने की योजना) के तहत हर साल राज्य के 5,000 गांवों को पानी की समस्या से छुटकारा दिलाया जाएगा. मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस के अनुसार, 2019 तक राज्य के एक बड़े हिस्से को जल संकट से मुक्ति दिला देंगे. बता दें कि जलयुक्त शिवार योजना (खेती के लिए जल प्रदान करने की योजना) के तहत हर साल राज्य के 5,000 गांवों को पानी की समस्या से छुटकारा दिलाया जाएगा. मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस के अनुसार, 2019 तक राज्य के एक बड़े हिस्से को जल संकट से मुक्ति दिला देंगे.
सारांश: जलयुक्त शिवार से गांवों में पानी के संकट को दूर करने की योजना है शिवसेना ने इसकी तुलना कांग्रेस सरकार में हुए सिंचाई घोटाले से की है बीजेपी ने कहना है कि शिवसेना बिना अध्ययन के आरोप लगा रही है
20
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: एक्ट्रेस नीरू बाजवा (Neeru Bajwa) की फिल्म 'शड़ा' (Shadaa) रिलीज हो चुकी है. इस फिल्म में नीरू बाजवा (Neeru Bajwa) के साथ पंजाबी एक्टर और सिंगर दिलजीत दोसांझ भी नजर आएंगे. एक्ट्रेस नीरू बाजावा (Neeru Bajwa) ने अपने एक्टिंग करियर की शुरुआत 1998  में आई देवानंद की फिल्म 'मैं सोलह बरस की' से की. हालांकि इस फिल्म के बाद उन्होंने बॉलीवुड की फिल्मों में काम करना बंद कर दिया और पंजाबी फिल्मों के जरिए अपनी जबरदस्त पहचान बनाई. हाल ही में नीरू बाजवा (Neeru Bajwa) ने मीडिया को एक इंटरव्यू दिया है, जिसमें नीरू बाजवा ने बताया कि बॉलीवुड में 'अश्लील अनुभव' से गुजरने के बाद उन्होंने वहां काम करना बंद कर दिया.  नीरू बाजवा (Neeru Bajwa) ने अपने एक्टिंग करियर और फिल्मों के बारे में मीडिया से खुलकर बात की. बातचीत के दौरान नीरू बाजवा (Neeru Bajwa) ने कहा 'मैं बिना किसी का नाम लिए यह बताना चाहूंगी कि मैं हिंदी फिल्मों को लेकर होने वाली मीटिंग के दौरान बहुत ही अश्लील अनुभवों से गुजरी हूं. मुझसे कहा गया कि, 'यहां बने रहने के लिए आपको यह करना होगा', इससे मैं काफी हिल गई थी और बहुत असहज हुई थी.' 'लॉन्ग लाची' गाने से सोशल मीडिया पर धमाल मचाने वाली नीरू बाजवा ने आगे बताया 'मैं यह नहीं कह रही हूं कि इंडस्ट्री ऐसे ही काम करती है, लेकिन मैं उन अभागी अभिनेत्रियों में से हूं, जिन्हें ऐसे कड़वे अनुभवों से गुजरना पड़ा है. इस घटना के बाद से मैंने बॉलीवुड में अपनी किस्मत नहीं आजमाई और न ही कभी आजमाऊंगी. मैं अपने पंजाबी सिनेमा में खुश हूं.' बता दें कि एक्ट्रेस नीरू बाजवा (Neeru Bajwa) ने अपने एक्टिंग करियर के दौरान कई शानदार फिल्में की हैं. पंजाबी फिल्म 'मेल करा दे रब्बा' और 'जिह्नें मेरा दिल लुटेया' में अपना जबरदस्त किरदार निभाने के लिए नीरू बाजवा (Neeru Bajwa) को कई अवॉर्ड भी मिले हैं. इसके साथ ही आजकल वह दिलजीत दोसांझ के साथ फिल्म 'शड़ा' के प्रमोशन में लगी हुई हैं. नीरू बाजवा और दिलजीत दोसांझ की फिल्म शड़ा की कहानी पंजाब की एक लड़की के इर्द-गिर्द घूमती है, जो शादी नहीं करना चाहती और इस फैसले के लिए समाज और उसका परिवार उसकी आलोचना करता है. फिल्म की ही तरह नीरू बाजवा व्यक्तिगत तौर पर भी समाज की शादी करने की टाइमलाइन को नहीं मानती हैं. इसके साथ ही वह अपनी चार वर्षीय बेटी को भी आत्मनिर्भर बनाना चाहती हैं.
संक्षिप्त पाठ: बॉलीवुड करियर को लेकर नीरू बाजवा ने की मीडिया से बातचीत बॉलीवुड में 'मैं सोलह बरस की' फिल्म से की थी करियर की शुरुआत नीरू बाजवा ने शेयर किया अपना एक्सपीरियंस
27
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा और ब्रिटिश प्रधानमंत्री डेविड कैमरन ने टेलीफोन पर बातचीत करने के बाद कहा कि सीरिया के असद शासन द्वारा नागरिकों के खिलाफ रासायनिक हमला अंतरराष्ट्रीय समुदाय की ओर से ‘कड़ी कार्रवाई’ के लायक होगा। इस बीच, अमेरिकी नौसैन्य बलों का सीरिया की तरफ बढ़ना जारी है, क्योंकि ओबामा प्रशासन ने सीरिया में उन जगहों पर संभावित सैन्य हस्तक्षेप के विकल्पों पर विचार किया है जहां असद शासन द्वारा रासायनिक हथियारों का इस्तेमाल किए जाने से बड़ी संख्या में लोग मारे गए हैं। ओबामा ने शनिवार को शीर्ष राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार के साथ सिचुएशन रूम बैठक में स्थिति पर विचार करने के बाद कैमरन को फोन किया, जबकि उनके विदेशमंत्री जॉन केरी ने क्षेत्र तथा विश्व के अपने समकक्षों से संपर्क साधा। ओबामा के साथ फोन पर 40 मिनट तक हुई बातचीत के बाद ब्रिटिश प्रधानमंत्री के कार्यालय ने कहा कि दोनों नेताओं ने दोहराया कि रासायनिक हथियारों का इस्तेमाल अंतरराष्ट्रीय समुदाय की ओर से ‘कड़ी कार्रवाई’ के लायक होगा तथा दोनों ने अधिकारियों को सभी विकल्पों पर विचार करने का दायित्व सौंप दिया है। डाउनिंग स्ट्रीट के प्रवक्ता ने बताया, ‘वे इस बात पर सहमत थे कि रासायनिक हथियारों के उपयोग पर विश्व रोक जारी रखे। उन्होंने इस मुद्दे पर संपर्क बनाए रखने पर भी सहमति जताई।’ व्हाइट हाउस के प्रवक्ता ने बताया कि दोनों देश रासायनिक हथियारों के उपयोग को लेकर अपने विरोध पर कायम हैं। ओबामा और कैमरन ने अपने सामने मौजूद सुरक्षा चुनौतियों को भी साझा किया। प्रवक्ता ने बताया, ‘दोनों नेताओं ने बुधवार 21 अगस्त को दमिश्क के समीप सीरिया प्रशासन द्वारा रासायनिक हथियारों का उपयोग किए जाने की खबर पर गहरी चिंता जताई।’ व्हाइट हाउस ने कहा, ‘राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री इस घटना के संदर्भ में सतत संपर्क बनाए रखेंगे और रासायनिक हथियारों के उपयोग के विरोध में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की प्रतिक्रिया भी जारी रहेगी।’ इससे पहले दिन में ओबामा ने सिचुएशन रूम बैठक में सभी विकल्पों पर विचार किया और अमेरिका तथा अंतरराष्ट्रीय समुदाय से प्रतिक्रिया देने के लिए तैयार रहने का आग्रह किया। व्हाइट हाउस ने कहा, ‘अंतरराष्ट्रीय सहयोगियों तथा विशेषज्ञों के सहयोग से अमेरिकी खुफिया समुदाय तथ्य एकत्र कर रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या हुआ था।’ विदेशमंत्री जॉन केरी ने सीरिया मुद्दे पर प्रमुख वैश्विक और क्षेत्रीय शक्तियों तक पहुंचने के अपनी सरकार के प्रयास तेज कर दिए हैं। विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि केरी ने सीरिया में 21 अगस्त को हुए रासायनिक हमले के सबूतों के सिलसिले में कई फोन किए। उन्होंने अमीराती विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद, सउदी अरब के विदेश मंत्री सौद अल फैजल के साथ एक एक बार तथा जॉर्डन के विदेश मंत्री नासेर जदेह, तुर्की के विदेश मंत्री अहमद दावुतोग्लु तथा अरब लीग के महासचिव नबील अल अराबी से दो बार बातचीत की।टिप्पणियां अधिकारी ने बताया कि सभी के साथ बातचीत में केरी ने तथ्यों का शीघ्र पता लगाने और किसी भी रासायनिक हथियार के उपयोग की स्थिति की गंभीरता पर जोर दिया। बृहस्पतिवार को केरी ने सीरिया के विदेश मंत्री मुआलिम से बात कर यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या उनका यह दावा सही है कि सीरिया प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया को प्रभावित इलाकों तक जाने के रास्ते बंद करने के लिए हमले तथा सबूत नष्ट करने की कार्रवाई रोक कर तत्काल वहां विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं को जाने देना चाहिए। इस बीच, अमेरिकी नौसैन्य बलों का सीरिया की तरफ बढ़ना जारी है, क्योंकि ओबामा प्रशासन ने सीरिया में उन जगहों पर संभावित सैन्य हस्तक्षेप के विकल्पों पर विचार किया है जहां असद शासन द्वारा रासायनिक हथियारों का इस्तेमाल किए जाने से बड़ी संख्या में लोग मारे गए हैं। ओबामा ने शनिवार को शीर्ष राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार के साथ सिचुएशन रूम बैठक में स्थिति पर विचार करने के बाद कैमरन को फोन किया, जबकि उनके विदेशमंत्री जॉन केरी ने क्षेत्र तथा विश्व के अपने समकक्षों से संपर्क साधा। ओबामा के साथ फोन पर 40 मिनट तक हुई बातचीत के बाद ब्रिटिश प्रधानमंत्री के कार्यालय ने कहा कि दोनों नेताओं ने दोहराया कि रासायनिक हथियारों का इस्तेमाल अंतरराष्ट्रीय समुदाय की ओर से ‘कड़ी कार्रवाई’ के लायक होगा तथा दोनों ने अधिकारियों को सभी विकल्पों पर विचार करने का दायित्व सौंप दिया है। डाउनिंग स्ट्रीट के प्रवक्ता ने बताया, ‘वे इस बात पर सहमत थे कि रासायनिक हथियारों के उपयोग पर विश्व रोक जारी रखे। उन्होंने इस मुद्दे पर संपर्क बनाए रखने पर भी सहमति जताई।’ व्हाइट हाउस के प्रवक्ता ने बताया कि दोनों देश रासायनिक हथियारों के उपयोग को लेकर अपने विरोध पर कायम हैं। ओबामा और कैमरन ने अपने सामने मौजूद सुरक्षा चुनौतियों को भी साझा किया। प्रवक्ता ने बताया, ‘दोनों नेताओं ने बुधवार 21 अगस्त को दमिश्क के समीप सीरिया प्रशासन द्वारा रासायनिक हथियारों का उपयोग किए जाने की खबर पर गहरी चिंता जताई।’ व्हाइट हाउस ने कहा, ‘राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री इस घटना के संदर्भ में सतत संपर्क बनाए रखेंगे और रासायनिक हथियारों के उपयोग के विरोध में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की प्रतिक्रिया भी जारी रहेगी।’ इससे पहले दिन में ओबामा ने सिचुएशन रूम बैठक में सभी विकल्पों पर विचार किया और अमेरिका तथा अंतरराष्ट्रीय समुदाय से प्रतिक्रिया देने के लिए तैयार रहने का आग्रह किया। व्हाइट हाउस ने कहा, ‘अंतरराष्ट्रीय सहयोगियों तथा विशेषज्ञों के सहयोग से अमेरिकी खुफिया समुदाय तथ्य एकत्र कर रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या हुआ था।’ विदेशमंत्री जॉन केरी ने सीरिया मुद्दे पर प्रमुख वैश्विक और क्षेत्रीय शक्तियों तक पहुंचने के अपनी सरकार के प्रयास तेज कर दिए हैं। विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि केरी ने सीरिया में 21 अगस्त को हुए रासायनिक हमले के सबूतों के सिलसिले में कई फोन किए। उन्होंने अमीराती विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद, सउदी अरब के विदेश मंत्री सौद अल फैजल के साथ एक एक बार तथा जॉर्डन के विदेश मंत्री नासेर जदेह, तुर्की के विदेश मंत्री अहमद दावुतोग्लु तथा अरब लीग के महासचिव नबील अल अराबी से दो बार बातचीत की।टिप्पणियां अधिकारी ने बताया कि सभी के साथ बातचीत में केरी ने तथ्यों का शीघ्र पता लगाने और किसी भी रासायनिक हथियार के उपयोग की स्थिति की गंभीरता पर जोर दिया। बृहस्पतिवार को केरी ने सीरिया के विदेश मंत्री मुआलिम से बात कर यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या उनका यह दावा सही है कि सीरिया प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया को प्रभावित इलाकों तक जाने के रास्ते बंद करने के लिए हमले तथा सबूत नष्ट करने की कार्रवाई रोक कर तत्काल वहां विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं को जाने देना चाहिए। ओबामा ने शनिवार को शीर्ष राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार के साथ सिचुएशन रूम बैठक में स्थिति पर विचार करने के बाद कैमरन को फोन किया, जबकि उनके विदेशमंत्री जॉन केरी ने क्षेत्र तथा विश्व के अपने समकक्षों से संपर्क साधा। ओबामा के साथ फोन पर 40 मिनट तक हुई बातचीत के बाद ब्रिटिश प्रधानमंत्री के कार्यालय ने कहा कि दोनों नेताओं ने दोहराया कि रासायनिक हथियारों का इस्तेमाल अंतरराष्ट्रीय समुदाय की ओर से ‘कड़ी कार्रवाई’ के लायक होगा तथा दोनों ने अधिकारियों को सभी विकल्पों पर विचार करने का दायित्व सौंप दिया है। डाउनिंग स्ट्रीट के प्रवक्ता ने बताया, ‘वे इस बात पर सहमत थे कि रासायनिक हथियारों के उपयोग पर विश्व रोक जारी रखे। उन्होंने इस मुद्दे पर संपर्क बनाए रखने पर भी सहमति जताई।’ व्हाइट हाउस के प्रवक्ता ने बताया कि दोनों देश रासायनिक हथियारों के उपयोग को लेकर अपने विरोध पर कायम हैं। ओबामा और कैमरन ने अपने सामने मौजूद सुरक्षा चुनौतियों को भी साझा किया। प्रवक्ता ने बताया, ‘दोनों नेताओं ने बुधवार 21 अगस्त को दमिश्क के समीप सीरिया प्रशासन द्वारा रासायनिक हथियारों का उपयोग किए जाने की खबर पर गहरी चिंता जताई।’ व्हाइट हाउस ने कहा, ‘राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री इस घटना के संदर्भ में सतत संपर्क बनाए रखेंगे और रासायनिक हथियारों के उपयोग के विरोध में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की प्रतिक्रिया भी जारी रहेगी।’ इससे पहले दिन में ओबामा ने सिचुएशन रूम बैठक में सभी विकल्पों पर विचार किया और अमेरिका तथा अंतरराष्ट्रीय समुदाय से प्रतिक्रिया देने के लिए तैयार रहने का आग्रह किया। व्हाइट हाउस ने कहा, ‘अंतरराष्ट्रीय सहयोगियों तथा विशेषज्ञों के सहयोग से अमेरिकी खुफिया समुदाय तथ्य एकत्र कर रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या हुआ था।’ विदेशमंत्री जॉन केरी ने सीरिया मुद्दे पर प्रमुख वैश्विक और क्षेत्रीय शक्तियों तक पहुंचने के अपनी सरकार के प्रयास तेज कर दिए हैं। विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि केरी ने सीरिया में 21 अगस्त को हुए रासायनिक हमले के सबूतों के सिलसिले में कई फोन किए। उन्होंने अमीराती विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद, सउदी अरब के विदेश मंत्री सौद अल फैजल के साथ एक एक बार तथा जॉर्डन के विदेश मंत्री नासेर जदेह, तुर्की के विदेश मंत्री अहमद दावुतोग्लु तथा अरब लीग के महासचिव नबील अल अराबी से दो बार बातचीत की।टिप्पणियां अधिकारी ने बताया कि सभी के साथ बातचीत में केरी ने तथ्यों का शीघ्र पता लगाने और किसी भी रासायनिक हथियार के उपयोग की स्थिति की गंभीरता पर जोर दिया। बृहस्पतिवार को केरी ने सीरिया के विदेश मंत्री मुआलिम से बात कर यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या उनका यह दावा सही है कि सीरिया प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया को प्रभावित इलाकों तक जाने के रास्ते बंद करने के लिए हमले तथा सबूत नष्ट करने की कार्रवाई रोक कर तत्काल वहां विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं को जाने देना चाहिए। ओबामा के साथ फोन पर 40 मिनट तक हुई बातचीत के बाद ब्रिटिश प्रधानमंत्री के कार्यालय ने कहा कि दोनों नेताओं ने दोहराया कि रासायनिक हथियारों का इस्तेमाल अंतरराष्ट्रीय समुदाय की ओर से ‘कड़ी कार्रवाई’ के लायक होगा तथा दोनों ने अधिकारियों को सभी विकल्पों पर विचार करने का दायित्व सौंप दिया है। डाउनिंग स्ट्रीट के प्रवक्ता ने बताया, ‘वे इस बात पर सहमत थे कि रासायनिक हथियारों के उपयोग पर विश्व रोक जारी रखे। उन्होंने इस मुद्दे पर संपर्क बनाए रखने पर भी सहमति जताई।’ व्हाइट हाउस के प्रवक्ता ने बताया कि दोनों देश रासायनिक हथियारों के उपयोग को लेकर अपने विरोध पर कायम हैं। ओबामा और कैमरन ने अपने सामने मौजूद सुरक्षा चुनौतियों को भी साझा किया। प्रवक्ता ने बताया, ‘दोनों नेताओं ने बुधवार 21 अगस्त को दमिश्क के समीप सीरिया प्रशासन द्वारा रासायनिक हथियारों का उपयोग किए जाने की खबर पर गहरी चिंता जताई।’ व्हाइट हाउस ने कहा, ‘राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री इस घटना के संदर्भ में सतत संपर्क बनाए रखेंगे और रासायनिक हथियारों के उपयोग के विरोध में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की प्रतिक्रिया भी जारी रहेगी।’ इससे पहले दिन में ओबामा ने सिचुएशन रूम बैठक में सभी विकल्पों पर विचार किया और अमेरिका तथा अंतरराष्ट्रीय समुदाय से प्रतिक्रिया देने के लिए तैयार रहने का आग्रह किया। व्हाइट हाउस ने कहा, ‘अंतरराष्ट्रीय सहयोगियों तथा विशेषज्ञों के सहयोग से अमेरिकी खुफिया समुदाय तथ्य एकत्र कर रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या हुआ था।’ विदेशमंत्री जॉन केरी ने सीरिया मुद्दे पर प्रमुख वैश्विक और क्षेत्रीय शक्तियों तक पहुंचने के अपनी सरकार के प्रयास तेज कर दिए हैं। विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि केरी ने सीरिया में 21 अगस्त को हुए रासायनिक हमले के सबूतों के सिलसिले में कई फोन किए। उन्होंने अमीराती विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद, सउदी अरब के विदेश मंत्री सौद अल फैजल के साथ एक एक बार तथा जॉर्डन के विदेश मंत्री नासेर जदेह, तुर्की के विदेश मंत्री अहमद दावुतोग्लु तथा अरब लीग के महासचिव नबील अल अराबी से दो बार बातचीत की।टिप्पणियां अधिकारी ने बताया कि सभी के साथ बातचीत में केरी ने तथ्यों का शीघ्र पता लगाने और किसी भी रासायनिक हथियार के उपयोग की स्थिति की गंभीरता पर जोर दिया। बृहस्पतिवार को केरी ने सीरिया के विदेश मंत्री मुआलिम से बात कर यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या उनका यह दावा सही है कि सीरिया प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया को प्रभावित इलाकों तक जाने के रास्ते बंद करने के लिए हमले तथा सबूत नष्ट करने की कार्रवाई रोक कर तत्काल वहां विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं को जाने देना चाहिए। डाउनिंग स्ट्रीट के प्रवक्ता ने बताया, ‘वे इस बात पर सहमत थे कि रासायनिक हथियारों के उपयोग पर विश्व रोक जारी रखे। उन्होंने इस मुद्दे पर संपर्क बनाए रखने पर भी सहमति जताई।’ व्हाइट हाउस के प्रवक्ता ने बताया कि दोनों देश रासायनिक हथियारों के उपयोग को लेकर अपने विरोध पर कायम हैं। ओबामा और कैमरन ने अपने सामने मौजूद सुरक्षा चुनौतियों को भी साझा किया। प्रवक्ता ने बताया, ‘दोनों नेताओं ने बुधवार 21 अगस्त को दमिश्क के समीप सीरिया प्रशासन द्वारा रासायनिक हथियारों का उपयोग किए जाने की खबर पर गहरी चिंता जताई।’ व्हाइट हाउस ने कहा, ‘राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री इस घटना के संदर्भ में सतत संपर्क बनाए रखेंगे और रासायनिक हथियारों के उपयोग के विरोध में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की प्रतिक्रिया भी जारी रहेगी।’ इससे पहले दिन में ओबामा ने सिचुएशन रूम बैठक में सभी विकल्पों पर विचार किया और अमेरिका तथा अंतरराष्ट्रीय समुदाय से प्रतिक्रिया देने के लिए तैयार रहने का आग्रह किया। व्हाइट हाउस ने कहा, ‘अंतरराष्ट्रीय सहयोगियों तथा विशेषज्ञों के सहयोग से अमेरिकी खुफिया समुदाय तथ्य एकत्र कर रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या हुआ था।’ विदेशमंत्री जॉन केरी ने सीरिया मुद्दे पर प्रमुख वैश्विक और क्षेत्रीय शक्तियों तक पहुंचने के अपनी सरकार के प्रयास तेज कर दिए हैं। विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि केरी ने सीरिया में 21 अगस्त को हुए रासायनिक हमले के सबूतों के सिलसिले में कई फोन किए। उन्होंने अमीराती विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद, सउदी अरब के विदेश मंत्री सौद अल फैजल के साथ एक एक बार तथा जॉर्डन के विदेश मंत्री नासेर जदेह, तुर्की के विदेश मंत्री अहमद दावुतोग्लु तथा अरब लीग के महासचिव नबील अल अराबी से दो बार बातचीत की।टिप्पणियां अधिकारी ने बताया कि सभी के साथ बातचीत में केरी ने तथ्यों का शीघ्र पता लगाने और किसी भी रासायनिक हथियार के उपयोग की स्थिति की गंभीरता पर जोर दिया। बृहस्पतिवार को केरी ने सीरिया के विदेश मंत्री मुआलिम से बात कर यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या उनका यह दावा सही है कि सीरिया प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया को प्रभावित इलाकों तक जाने के रास्ते बंद करने के लिए हमले तथा सबूत नष्ट करने की कार्रवाई रोक कर तत्काल वहां विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं को जाने देना चाहिए। प्रवक्ता ने बताया, ‘दोनों नेताओं ने बुधवार 21 अगस्त को दमिश्क के समीप सीरिया प्रशासन द्वारा रासायनिक हथियारों का उपयोग किए जाने की खबर पर गहरी चिंता जताई।’ व्हाइट हाउस ने कहा, ‘राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री इस घटना के संदर्भ में सतत संपर्क बनाए रखेंगे और रासायनिक हथियारों के उपयोग के विरोध में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की प्रतिक्रिया भी जारी रहेगी।’ इससे पहले दिन में ओबामा ने सिचुएशन रूम बैठक में सभी विकल्पों पर विचार किया और अमेरिका तथा अंतरराष्ट्रीय समुदाय से प्रतिक्रिया देने के लिए तैयार रहने का आग्रह किया। व्हाइट हाउस ने कहा, ‘अंतरराष्ट्रीय सहयोगियों तथा विशेषज्ञों के सहयोग से अमेरिकी खुफिया समुदाय तथ्य एकत्र कर रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या हुआ था।’ विदेशमंत्री जॉन केरी ने सीरिया मुद्दे पर प्रमुख वैश्विक और क्षेत्रीय शक्तियों तक पहुंचने के अपनी सरकार के प्रयास तेज कर दिए हैं। विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि केरी ने सीरिया में 21 अगस्त को हुए रासायनिक हमले के सबूतों के सिलसिले में कई फोन किए। उन्होंने अमीराती विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद, सउदी अरब के विदेश मंत्री सौद अल फैजल के साथ एक एक बार तथा जॉर्डन के विदेश मंत्री नासेर जदेह, तुर्की के विदेश मंत्री अहमद दावुतोग्लु तथा अरब लीग के महासचिव नबील अल अराबी से दो बार बातचीत की।टिप्पणियां अधिकारी ने बताया कि सभी के साथ बातचीत में केरी ने तथ्यों का शीघ्र पता लगाने और किसी भी रासायनिक हथियार के उपयोग की स्थिति की गंभीरता पर जोर दिया। बृहस्पतिवार को केरी ने सीरिया के विदेश मंत्री मुआलिम से बात कर यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या उनका यह दावा सही है कि सीरिया प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया को प्रभावित इलाकों तक जाने के रास्ते बंद करने के लिए हमले तथा सबूत नष्ट करने की कार्रवाई रोक कर तत्काल वहां विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं को जाने देना चाहिए। इससे पहले दिन में ओबामा ने सिचुएशन रूम बैठक में सभी विकल्पों पर विचार किया और अमेरिका तथा अंतरराष्ट्रीय समुदाय से प्रतिक्रिया देने के लिए तैयार रहने का आग्रह किया। व्हाइट हाउस ने कहा, ‘अंतरराष्ट्रीय सहयोगियों तथा विशेषज्ञों के सहयोग से अमेरिकी खुफिया समुदाय तथ्य एकत्र कर रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या हुआ था।’ विदेशमंत्री जॉन केरी ने सीरिया मुद्दे पर प्रमुख वैश्विक और क्षेत्रीय शक्तियों तक पहुंचने के अपनी सरकार के प्रयास तेज कर दिए हैं। विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि केरी ने सीरिया में 21 अगस्त को हुए रासायनिक हमले के सबूतों के सिलसिले में कई फोन किए। उन्होंने अमीराती विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद, सउदी अरब के विदेश मंत्री सौद अल फैजल के साथ एक एक बार तथा जॉर्डन के विदेश मंत्री नासेर जदेह, तुर्की के विदेश मंत्री अहमद दावुतोग्लु तथा अरब लीग के महासचिव नबील अल अराबी से दो बार बातचीत की।टिप्पणियां अधिकारी ने बताया कि सभी के साथ बातचीत में केरी ने तथ्यों का शीघ्र पता लगाने और किसी भी रासायनिक हथियार के उपयोग की स्थिति की गंभीरता पर जोर दिया। बृहस्पतिवार को केरी ने सीरिया के विदेश मंत्री मुआलिम से बात कर यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या उनका यह दावा सही है कि सीरिया प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया को प्रभावित इलाकों तक जाने के रास्ते बंद करने के लिए हमले तथा सबूत नष्ट करने की कार्रवाई रोक कर तत्काल वहां विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं को जाने देना चाहिए। व्हाइट हाउस ने कहा, ‘अंतरराष्ट्रीय सहयोगियों तथा विशेषज्ञों के सहयोग से अमेरिकी खुफिया समुदाय तथ्य एकत्र कर रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या हुआ था।’ विदेशमंत्री जॉन केरी ने सीरिया मुद्दे पर प्रमुख वैश्विक और क्षेत्रीय शक्तियों तक पहुंचने के अपनी सरकार के प्रयास तेज कर दिए हैं। विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि केरी ने सीरिया में 21 अगस्त को हुए रासायनिक हमले के सबूतों के सिलसिले में कई फोन किए। उन्होंने अमीराती विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद, सउदी अरब के विदेश मंत्री सौद अल फैजल के साथ एक एक बार तथा जॉर्डन के विदेश मंत्री नासेर जदेह, तुर्की के विदेश मंत्री अहमद दावुतोग्लु तथा अरब लीग के महासचिव नबील अल अराबी से दो बार बातचीत की।टिप्पणियां अधिकारी ने बताया कि सभी के साथ बातचीत में केरी ने तथ्यों का शीघ्र पता लगाने और किसी भी रासायनिक हथियार के उपयोग की स्थिति की गंभीरता पर जोर दिया। बृहस्पतिवार को केरी ने सीरिया के विदेश मंत्री मुआलिम से बात कर यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या उनका यह दावा सही है कि सीरिया प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया को प्रभावित इलाकों तक जाने के रास्ते बंद करने के लिए हमले तथा सबूत नष्ट करने की कार्रवाई रोक कर तत्काल वहां विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं को जाने देना चाहिए। विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि केरी ने सीरिया में 21 अगस्त को हुए रासायनिक हमले के सबूतों के सिलसिले में कई फोन किए। उन्होंने अमीराती विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद, सउदी अरब के विदेश मंत्री सौद अल फैजल के साथ एक एक बार तथा जॉर्डन के विदेश मंत्री नासेर जदेह, तुर्की के विदेश मंत्री अहमद दावुतोग्लु तथा अरब लीग के महासचिव नबील अल अराबी से दो बार बातचीत की।टिप्पणियां अधिकारी ने बताया कि सभी के साथ बातचीत में केरी ने तथ्यों का शीघ्र पता लगाने और किसी भी रासायनिक हथियार के उपयोग की स्थिति की गंभीरता पर जोर दिया। बृहस्पतिवार को केरी ने सीरिया के विदेश मंत्री मुआलिम से बात कर यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या उनका यह दावा सही है कि सीरिया प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया को प्रभावित इलाकों तक जाने के रास्ते बंद करने के लिए हमले तथा सबूत नष्ट करने की कार्रवाई रोक कर तत्काल वहां विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं को जाने देना चाहिए। उन्होंने अमीराती विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद, सउदी अरब के विदेश मंत्री सौद अल फैजल के साथ एक एक बार तथा जॉर्डन के विदेश मंत्री नासेर जदेह, तुर्की के विदेश मंत्री अहमद दावुतोग्लु तथा अरब लीग के महासचिव नबील अल अराबी से दो बार बातचीत की।टिप्पणियां अधिकारी ने बताया कि सभी के साथ बातचीत में केरी ने तथ्यों का शीघ्र पता लगाने और किसी भी रासायनिक हथियार के उपयोग की स्थिति की गंभीरता पर जोर दिया। बृहस्पतिवार को केरी ने सीरिया के विदेश मंत्री मुआलिम से बात कर यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या उनका यह दावा सही है कि सीरिया प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया को प्रभावित इलाकों तक जाने के रास्ते बंद करने के लिए हमले तथा सबूत नष्ट करने की कार्रवाई रोक कर तत्काल वहां विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं को जाने देना चाहिए। अधिकारी ने बताया कि सभी के साथ बातचीत में केरी ने तथ्यों का शीघ्र पता लगाने और किसी भी रासायनिक हथियार के उपयोग की स्थिति की गंभीरता पर जोर दिया। बृहस्पतिवार को केरी ने सीरिया के विदेश मंत्री मुआलिम से बात कर यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या उनका यह दावा सही है कि सीरिया प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया को प्रभावित इलाकों तक जाने के रास्ते बंद करने के लिए हमले तथा सबूत नष्ट करने की कार्रवाई रोक कर तत्काल वहां विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं को जाने देना चाहिए। बृहस्पतिवार को केरी ने सीरिया के विदेश मंत्री मुआलिम से बात कर यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या उनका यह दावा सही है कि सीरिया प्रशासन के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है। उन्होंने कहा कि सीरिया को प्रभावित इलाकों तक जाने के रास्ते बंद करने के लिए हमले तथा सबूत नष्ट करने की कार्रवाई रोक कर तत्काल वहां विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं को जाने देना चाहिए।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा और ब्रिटिश प्रधानमंत्री डेविड कैमरन ने टेलीफोन पर बातचीत करने के बाद कहा कि सीरिया के असद शासन द्वारा नागरिकों के खिलाफ रासायनिक हमला अंतरराष्ट्रीय समुदाय की ओर से ‘कड़ी कार्रवाई’ के लायक होगा।
25
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी से जब मानव संसाधन विकास मंत्रालय लेकर कपड़ा मंत्रालय की जिम्मेदारी दिए जाने के बारे में सवाल किए गए, तो उन्होंने एक लोकप्रिय फिल्मी गीत की पंक्ति सुनाकर जवाब दिया। मानव संसाधन विकास मंत्रालय में स्मृति ईरानी का कार्यकाल विवादों से भरा रहा। गौरतलब है कि स्‍मृति के स्‍थान पर अब प्रकाश जावड़ेकर को मानव संसाधन विकास मंत्रालय की जिम्‍मेदारी दी गई है। बुधवार को जब स्‍मृति से पूछा गया कि क्या नई जिम्मेदारी इसलिए दी गई है ताकि उत्तर प्रदेश में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनावों पर ध्यान देने के लिए समय मिल सके तो उन्होंने कहा, 'कुछ तो लोग कहेंगे, लोगों का काम है कहना।'टिप्पणियां टीवी में सफल अभिनेत्री के तौर पर प्रसिद्धि पा चुकीं स्मृति राजनीति में आईं और 2014 के लोकसभा चुनावों में अमेठी से राहुल गांधी के खिलाफ चुनाव लड़ीं जिसमें वह हार गई। मई 2014 में एनडीए के सत्ता में आने के बाद स्मृति को मानव संसाधन विकास मंत्रालय की जिम्मेदारी दिये जाने पर कई लोगों ने हैरानी जताई थी। (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) बुधवार को जब स्‍मृति से पूछा गया कि क्या नई जिम्मेदारी इसलिए दी गई है ताकि उत्तर प्रदेश में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनावों पर ध्यान देने के लिए समय मिल सके तो उन्होंने कहा, 'कुछ तो लोग कहेंगे, लोगों का काम है कहना।'टिप्पणियां टीवी में सफल अभिनेत्री के तौर पर प्रसिद्धि पा चुकीं स्मृति राजनीति में आईं और 2014 के लोकसभा चुनावों में अमेठी से राहुल गांधी के खिलाफ चुनाव लड़ीं जिसमें वह हार गई। मई 2014 में एनडीए के सत्ता में आने के बाद स्मृति को मानव संसाधन विकास मंत्रालय की जिम्मेदारी दिये जाने पर कई लोगों ने हैरानी जताई थी। (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) टीवी में सफल अभिनेत्री के तौर पर प्रसिद्धि पा चुकीं स्मृति राजनीति में आईं और 2014 के लोकसभा चुनावों में अमेठी से राहुल गांधी के खिलाफ चुनाव लड़ीं जिसमें वह हार गई। मई 2014 में एनडीए के सत्ता में आने के बाद स्मृति को मानव संसाधन विकास मंत्रालय की जिम्मेदारी दिये जाने पर कई लोगों ने हैरानी जताई थी। (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
यह एक सारांश है: एचआरडी मंत्रालय में प्रकाश जावड़ेकर ने ली है स्‍मृति ईरानी की जगह इस मंत्रालय में स्मृति ईरानी का कार्यकाल विवादों से भरा रहा टीवी पर सफल अभिनेत्री रह चुकीं स्मृति बाद में राजनीति में आईं
16
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: सॉफ्ट ड्रिंक कंपनी कोका कोला इंडिया सचिन तेंदुलकर की फोटो वाले ‘सुनहरे कैन’ से इस भारतीय मास्टर ब्लास्टर के ऐतिहासिक 100वें अंतरराष्ट्रीय शतक का जश्न मनाएगी। तेंदुलकर ने हाल में मौजूद एशिया कप क्रिकेट टूर्नामेंट में बांग्लादेश के खिलाफ यह उपलब्धि अपने नाम की। वर्ष 2011 में बाजार में इस तरह के विभिन्न रंगों के कैन लॉन्च किए गए थे जिसमें उन शतकों को दिखाया गया है जिन्हें तेंदुलकर ने खुद चुना था। तेंदुलकर के 100वें अंतरराष्ट्रीय शतक के इंतजार में 10वें सीमित ‘सुनहरे कैन’ के उत्पादन को रोक दिया गया था। इस ‘सुनहरे कैन’ पर तेंदुलकर की फोटो होगी और साथ में उनके द्वारा चुनी गई 10 शतकीय पारियों के आंकड़ें भी मौजूद होंगे। वर्ष 2011 में बाजार में इस तरह के विभिन्न रंगों के कैन लॉन्च किए गए थे जिसमें उन शतकों को दिखाया गया है जिन्हें तेंदुलकर ने खुद चुना था। तेंदुलकर के 100वें अंतरराष्ट्रीय शतक के इंतजार में 10वें सीमित ‘सुनहरे कैन’ के उत्पादन को रोक दिया गया था। इस ‘सुनहरे कैन’ पर तेंदुलकर की फोटो होगी और साथ में उनके द्वारा चुनी गई 10 शतकीय पारियों के आंकड़ें भी मौजूद होंगे।
यह एक सारांश है: सॉफ्ट ड्रिंक कंपनी कोका कोला इंडिया सचिन तेंदुलकर की फोटो वाले ‘सुनहरे कैन’ से इस भारतीय मास्टर ब्लास्टर के ऐतिहासिक 100वें अंतरराष्ट्रीय शतक का जश्न मनाएगी।
16
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: भाजपा के लिए उत्तरप्रदेश का चुनाव जीतना प्रतिष्ठा की लड़ाई बन गया है. ऐसे में पार्टी कोई भी मौका हाथ से नहीं गंवाना चाहती. पार्टी ने 11 फरवरी को उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के पहले चरण के मतदान से पहले विवादास्पद राममंदिर के मुद्दे को मंगलवार को एक बार फिर से उठाया है. भाजपा प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि अगर भाजपा की पूर्ण बहुमत वाली सरकार बनती है तो अयोध्या में 'भव्य' राम मंदिर का निर्माण किया जाएगा. इससे पहले जब मौर्य ने उत्तर प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष की कुर्सी संभाली तो कहा था कि बीजेपी यूपी का विधानसभा चुनाव विकास के मुद्दे पर लड़ेगी. बताते चलें कि 1992 से 2000 तक राम भाजपा की राजनीति के केंद्र में रहे हैं. हालांकि देखना है कि भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व मौर्य के बयान का कितना साथ देता है. टिप्पणियां पार्टी की उत्तर प्रदेश इकाई के प्रमुख केशव प्रसाद मौर्य ने यहां संवाददाताओं से कहा, "राम मंदिर आस्था का सवाल है. दो महीने में इसका निर्माण होने नहीं जा रहा है. मंदिर का निर्माण चुनावों के बाद किया जाएगा. भाजपा पूर्ण बहुमत के साथ सत्ता में आएगी." उन्होंने अखिलेश यादव पर भी निशाना साधा. उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री न तो पिछड़ा वर्ग के साथ हैं और न ही दलितों के साथ. मौर्य ने कहा, "वह सिर्फ विश्वासघात करते हैं." उनका बयान तब आया जब इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने उत्तर प्रदेश सरकार को यह सुनिश्चित करने को कहा कि 17 अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) समूहों से जुड़े लोगों को नया जाति प्रमाण पत्र नहीं जारी किया जाए. सपा-कांग्रेस गठबंधन के बारे में पूछे जाने पर मौर्य ने कहा, "सपा डूबता जहाज है और कांग्रेस का जहाज काफी पहले डूब चुका है. अगर बसपा भी इसमें शामिल होती है तब भी वह भी इसे बचाने में सक्षम नहीं होगी." उन्होंने आरोप लगाया कि यादव के तहत समूचा सरकारी तंत्र भ्रष्टाचार में लिप्त है. उन्होंने कहा कि अगर भाजपा सत्ता में आई तो वह जांच कराएगी और अगर जरूरत पड़ी तो 'उन्हें जेल भेजेगी.' पार्टी की उत्तर प्रदेश इकाई के प्रमुख केशव प्रसाद मौर्य ने यहां संवाददाताओं से कहा, "राम मंदिर आस्था का सवाल है. दो महीने में इसका निर्माण होने नहीं जा रहा है. मंदिर का निर्माण चुनावों के बाद किया जाएगा. भाजपा पूर्ण बहुमत के साथ सत्ता में आएगी." उन्होंने अखिलेश यादव पर भी निशाना साधा. उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री न तो पिछड़ा वर्ग के साथ हैं और न ही दलितों के साथ. मौर्य ने कहा, "वह सिर्फ विश्वासघात करते हैं." उनका बयान तब आया जब इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने उत्तर प्रदेश सरकार को यह सुनिश्चित करने को कहा कि 17 अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) समूहों से जुड़े लोगों को नया जाति प्रमाण पत्र नहीं जारी किया जाए. सपा-कांग्रेस गठबंधन के बारे में पूछे जाने पर मौर्य ने कहा, "सपा डूबता जहाज है और कांग्रेस का जहाज काफी पहले डूब चुका है. अगर बसपा भी इसमें शामिल होती है तब भी वह भी इसे बचाने में सक्षम नहीं होगी." उन्होंने आरोप लगाया कि यादव के तहत समूचा सरकारी तंत्र भ्रष्टाचार में लिप्त है. उन्होंने कहा कि अगर भाजपा सत्ता में आई तो वह जांच कराएगी और अगर जरूरत पड़ी तो 'उन्हें जेल भेजेगी.' सपा-कांग्रेस गठबंधन के बारे में पूछे जाने पर मौर्य ने कहा, "सपा डूबता जहाज है और कांग्रेस का जहाज काफी पहले डूब चुका है. अगर बसपा भी इसमें शामिल होती है तब भी वह भी इसे बचाने में सक्षम नहीं होगी." उन्होंने आरोप लगाया कि यादव के तहत समूचा सरकारी तंत्र भ्रष्टाचार में लिप्त है. उन्होंने कहा कि अगर भाजपा सत्ता में आई तो वह जांच कराएगी और अगर जरूरत पड़ी तो 'उन्हें जेल भेजेगी.'
संक्षिप्त सारांश: भाजपा ने पहले चरण के मतदान से पहले उठाया राममंदिर का मुद्दा इससे पहले मौर्य ने चुनाव विकास के मुद्दे पर लड़ने की बात कही थी 1992 से 2000 तक राम भाजपा की राजनीति के केंद्र में रहे हैं
23
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख गुरमीत राम रहीम पर नाबालिग़ से बलात्कार के मामले में 25 अगस्त (शुक्रवार) को पंचकूला सीबीआई कोर्ट का फ़ैसला आना है. लेकिन दो दिन पहले से ही उनके अनुयायी बड़ी संख्या में चंडीगढ़ से लेकर पंचकूला तक इकट्ठा हो गए हैं. इसे देखते हुए सरकार ने सिरसा में रात 10 बजे से कर्फ्यू लगाने के आदेश जारी कर दिए हैंं. जिलाधिकारी प्रभजोत सिंह, पुलिस अधीक्षक अश्विन शैणवी ने यह आदेश जारी किए. प्रशासन पूरी तरह से हाईअलर्ट पर है और हरियाणा-पंजाब के अन्य कई जगहों पर कर्फ्यू जैसे हालात हैं.  कानून व्यवस्था की स्थिति का जायजा लेने के बाद अधिकारियों ने लिया फैसला. सिरसा शहर व नजदीकी गांव बाजेकां, शाहपुर बेगु तथा नेजियाखेड़ा में कर्फ्यू लगाने के आदेश दिये. आज 24 अगस्त को रात्रि के 10 बजे के बाद उपरोक्त गांवों व सिरसा शहर में कोई भी व्यक्ति घर से बाहर न निकले. कानून व्यवस्था की स्थिति को मद्देनजर रखते हुए सेना को बुला लिया गया है. आदेशों की कड़ाई से पालना करने के निर्देश दिए. हरियाणा और पंजाब सरकार ने सेना को चिट्ठी लिखी है. चिट्ठी में संभावित खतरे को लेकर सेना को जानकारी दी गई है. इस चिट्ठी में कहा गया है कि  ज़रूरत पड़ने पर सेना को बुलाया जा सकता है. दोनों ही राज्य सरकारों द्वारा इस चिट्ठी में कहा गया है कि शांति ब्यवस्था बनाये रखने के लिये वह सेना से अपील कर सकते हैं. सूत्रों का कहना है कि फिलहाल सेना बुलाने पर अभी तक कोई फैसला नहीं लिया गया है. उधर, चिट्ठी के बाद स्थानीय प्रशासन सेना के संपर्क में है. हर घटना का अपडेट दे रही है. स्थानीय प्रशासन अभी हालात का जायजा ले रहा है.  चंडीगढ़, हरियाणा और पंजाब में पैरामिलिट्री फॉर्सेज की 167 कंपनिया तैनात हैं और 10 की और मांग की गई है. एक कंपनी में 100 जवान और अफसर हैं. पढ़ें: कोर्ट कल सुनाएगा फैसला, जानें- डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम सिंह के खिलाफ क्या है मामला... सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पंजाब और हरियाणा सरकार ने संयुक्त फैसले में 72 घंटे के लिए मोबाइल और इंटरनेट सेवा बंद कर दी है. दरअसल, अफवाहों के कारण भी स्थिति खराब हो जाती है, जिसके चलते दोनों राज्यों की सरकारों ने यह फैसला किया है. इस सबके बीच गुरमीत राम रहीम ने फेसबुक और ट्विटर के जरिए लिखा है कि हमने सदा क़ानून का सम्मान किया है, हालांकि हमारी बैक में दर्द है, फिर भी कानून की पालना करते हुए हम कोर्ट ज़रूर जाएंगे. हमें भगवान पर दृढ़ यकीन है. सभी शांति बनाए रखें.‬टिप्पणियां पढ़ें: रहस्य से कम नहीं है डेरा प्रमुख संत गुरमीत राम रहीम का जीवन, पढ़ें- 13 ऐसी बातें जो कर देंगी आपको हैरान उधर, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने सवाल उठाए हैं. डेरा समर्थकों के जमा होने पर हाईकोर्ट ने सख्त लहजे में पूछा है कि क्यों न डीजीपी को डिसमिस कर दिया जाए. आखिर कैसे लाखों लोग पंचकूला पहुंचे. प्रदेश में धारा -144 लागू करने का क्या मतलब था. अगर जरूरत हो तो आर्मी को स्टैंड बाय रखा जाए.  कानून व्यवस्था की स्थिति का जायजा लेने के बाद अधिकारियों ने लिया फैसला. सिरसा शहर व नजदीकी गांव बाजेकां, शाहपुर बेगु तथा नेजियाखेड़ा में कर्फ्यू लगाने के आदेश दिये. आज 24 अगस्त को रात्रि के 10 बजे के बाद उपरोक्त गांवों व सिरसा शहर में कोई भी व्यक्ति घर से बाहर न निकले. कानून व्यवस्था की स्थिति को मद्देनजर रखते हुए सेना को बुला लिया गया है. आदेशों की कड़ाई से पालना करने के निर्देश दिए. हरियाणा और पंजाब सरकार ने सेना को चिट्ठी लिखी है. चिट्ठी में संभावित खतरे को लेकर सेना को जानकारी दी गई है. इस चिट्ठी में कहा गया है कि  ज़रूरत पड़ने पर सेना को बुलाया जा सकता है. दोनों ही राज्य सरकारों द्वारा इस चिट्ठी में कहा गया है कि शांति ब्यवस्था बनाये रखने के लिये वह सेना से अपील कर सकते हैं. सूत्रों का कहना है कि फिलहाल सेना बुलाने पर अभी तक कोई फैसला नहीं लिया गया है. उधर, चिट्ठी के बाद स्थानीय प्रशासन सेना के संपर्क में है. हर घटना का अपडेट दे रही है. स्थानीय प्रशासन अभी हालात का जायजा ले रहा है.  चंडीगढ़, हरियाणा और पंजाब में पैरामिलिट्री फॉर्सेज की 167 कंपनिया तैनात हैं और 10 की और मांग की गई है. एक कंपनी में 100 जवान और अफसर हैं. पढ़ें: कोर्ट कल सुनाएगा फैसला, जानें- डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम सिंह के खिलाफ क्या है मामला... सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पंजाब और हरियाणा सरकार ने संयुक्त फैसले में 72 घंटे के लिए मोबाइल और इंटरनेट सेवा बंद कर दी है. दरअसल, अफवाहों के कारण भी स्थिति खराब हो जाती है, जिसके चलते दोनों राज्यों की सरकारों ने यह फैसला किया है. इस सबके बीच गुरमीत राम रहीम ने फेसबुक और ट्विटर के जरिए लिखा है कि हमने सदा क़ानून का सम्मान किया है, हालांकि हमारी बैक में दर्द है, फिर भी कानून की पालना करते हुए हम कोर्ट ज़रूर जाएंगे. हमें भगवान पर दृढ़ यकीन है. सभी शांति बनाए रखें.‬टिप्पणियां पढ़ें: रहस्य से कम नहीं है डेरा प्रमुख संत गुरमीत राम रहीम का जीवन, पढ़ें- 13 ऐसी बातें जो कर देंगी आपको हैरान उधर, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने सवाल उठाए हैं. डेरा समर्थकों के जमा होने पर हाईकोर्ट ने सख्त लहजे में पूछा है कि क्यों न डीजीपी को डिसमिस कर दिया जाए. आखिर कैसे लाखों लोग पंचकूला पहुंचे. प्रदेश में धारा -144 लागू करने का क्या मतलब था. अगर जरूरत हो तो आर्मी को स्टैंड बाय रखा जाए.  हरियाणा और पंजाब सरकार ने सेना को चिट्ठी लिखी है. चिट्ठी में संभावित खतरे को लेकर सेना को जानकारी दी गई है. इस चिट्ठी में कहा गया है कि  ज़रूरत पड़ने पर सेना को बुलाया जा सकता है. दोनों ही राज्य सरकारों द्वारा इस चिट्ठी में कहा गया है कि शांति ब्यवस्था बनाये रखने के लिये वह सेना से अपील कर सकते हैं. सूत्रों का कहना है कि फिलहाल सेना बुलाने पर अभी तक कोई फैसला नहीं लिया गया है. उधर, चिट्ठी के बाद स्थानीय प्रशासन सेना के संपर्क में है. हर घटना का अपडेट दे रही है. स्थानीय प्रशासन अभी हालात का जायजा ले रहा है.  चंडीगढ़, हरियाणा और पंजाब में पैरामिलिट्री फॉर्सेज की 167 कंपनिया तैनात हैं और 10 की और मांग की गई है. एक कंपनी में 100 जवान और अफसर हैं. पढ़ें: कोर्ट कल सुनाएगा फैसला, जानें- डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम सिंह के खिलाफ क्या है मामला... सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पंजाब और हरियाणा सरकार ने संयुक्त फैसले में 72 घंटे के लिए मोबाइल और इंटरनेट सेवा बंद कर दी है. दरअसल, अफवाहों के कारण भी स्थिति खराब हो जाती है, जिसके चलते दोनों राज्यों की सरकारों ने यह फैसला किया है. इस सबके बीच गुरमीत राम रहीम ने फेसबुक और ट्विटर के जरिए लिखा है कि हमने सदा क़ानून का सम्मान किया है, हालांकि हमारी बैक में दर्द है, फिर भी कानून की पालना करते हुए हम कोर्ट ज़रूर जाएंगे. हमें भगवान पर दृढ़ यकीन है. सभी शांति बनाए रखें.‬टिप्पणियां पढ़ें: रहस्य से कम नहीं है डेरा प्रमुख संत गुरमीत राम रहीम का जीवन, पढ़ें- 13 ऐसी बातें जो कर देंगी आपको हैरान उधर, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने सवाल उठाए हैं. डेरा समर्थकों के जमा होने पर हाईकोर्ट ने सख्त लहजे में पूछा है कि क्यों न डीजीपी को डिसमिस कर दिया जाए. आखिर कैसे लाखों लोग पंचकूला पहुंचे. प्रदेश में धारा -144 लागू करने का क्या मतलब था. अगर जरूरत हो तो आर्मी को स्टैंड बाय रखा जाए.  चंडीगढ़, हरियाणा और पंजाब में पैरामिलिट्री फॉर्सेज की 167 कंपनिया तैनात हैं और 10 की और मांग की गई है. एक कंपनी में 100 जवान और अफसर हैं. पढ़ें: कोर्ट कल सुनाएगा फैसला, जानें- डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम सिंह के खिलाफ क्या है मामला... सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पंजाब और हरियाणा सरकार ने संयुक्त फैसले में 72 घंटे के लिए मोबाइल और इंटरनेट सेवा बंद कर दी है. दरअसल, अफवाहों के कारण भी स्थिति खराब हो जाती है, जिसके चलते दोनों राज्यों की सरकारों ने यह फैसला किया है. इस सबके बीच गुरमीत राम रहीम ने फेसबुक और ट्विटर के जरिए लिखा है कि हमने सदा क़ानून का सम्मान किया है, हालांकि हमारी बैक में दर्द है, फिर भी कानून की पालना करते हुए हम कोर्ट ज़रूर जाएंगे. हमें भगवान पर दृढ़ यकीन है. सभी शांति बनाए रखें.‬टिप्पणियां पढ़ें: रहस्य से कम नहीं है डेरा प्रमुख संत गुरमीत राम रहीम का जीवन, पढ़ें- 13 ऐसी बातें जो कर देंगी आपको हैरान उधर, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने सवाल उठाए हैं. डेरा समर्थकों के जमा होने पर हाईकोर्ट ने सख्त लहजे में पूछा है कि क्यों न डीजीपी को डिसमिस कर दिया जाए. आखिर कैसे लाखों लोग पंचकूला पहुंचे. प्रदेश में धारा -144 लागू करने का क्या मतलब था. अगर जरूरत हो तो आर्मी को स्टैंड बाय रखा जाए.  पढ़ें: कोर्ट कल सुनाएगा फैसला, जानें- डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम सिंह के खिलाफ क्या है मामला... सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पंजाब और हरियाणा सरकार ने संयुक्त फैसले में 72 घंटे के लिए मोबाइल और इंटरनेट सेवा बंद कर दी है. दरअसल, अफवाहों के कारण भी स्थिति खराब हो जाती है, जिसके चलते दोनों राज्यों की सरकारों ने यह फैसला किया है. इस सबके बीच गुरमीत राम रहीम ने फेसबुक और ट्विटर के जरिए लिखा है कि हमने सदा क़ानून का सम्मान किया है, हालांकि हमारी बैक में दर्द है, फिर भी कानून की पालना करते हुए हम कोर्ट ज़रूर जाएंगे. हमें भगवान पर दृढ़ यकीन है. सभी शांति बनाए रखें.‬टिप्पणियां पढ़ें: रहस्य से कम नहीं है डेरा प्रमुख संत गुरमीत राम रहीम का जीवन, पढ़ें- 13 ऐसी बातें जो कर देंगी आपको हैरान उधर, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने सवाल उठाए हैं. डेरा समर्थकों के जमा होने पर हाईकोर्ट ने सख्त लहजे में पूछा है कि क्यों न डीजीपी को डिसमिस कर दिया जाए. आखिर कैसे लाखों लोग पंचकूला पहुंचे. प्रदेश में धारा -144 लागू करने का क्या मतलब था. अगर जरूरत हो तो आर्मी को स्टैंड बाय रखा जाए.  सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पंजाब और हरियाणा सरकार ने संयुक्त फैसले में 72 घंटे के लिए मोबाइल और इंटरनेट सेवा बंद कर दी है. दरअसल, अफवाहों के कारण भी स्थिति खराब हो जाती है, जिसके चलते दोनों राज्यों की सरकारों ने यह फैसला किया है. इस सबके बीच गुरमीत राम रहीम ने फेसबुक और ट्विटर के जरिए लिखा है कि हमने सदा क़ानून का सम्मान किया है, हालांकि हमारी बैक में दर्द है, फिर भी कानून की पालना करते हुए हम कोर्ट ज़रूर जाएंगे. हमें भगवान पर दृढ़ यकीन है. सभी शांति बनाए रखें.‬टिप्पणियां पढ़ें: रहस्य से कम नहीं है डेरा प्रमुख संत गुरमीत राम रहीम का जीवन, पढ़ें- 13 ऐसी बातें जो कर देंगी आपको हैरान उधर, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने सवाल उठाए हैं. डेरा समर्थकों के जमा होने पर हाईकोर्ट ने सख्त लहजे में पूछा है कि क्यों न डीजीपी को डिसमिस कर दिया जाए. आखिर कैसे लाखों लोग पंचकूला पहुंचे. प्रदेश में धारा -144 लागू करने का क्या मतलब था. अगर जरूरत हो तो आर्मी को स्टैंड बाय रखा जाए.  इस सबके बीच गुरमीत राम रहीम ने फेसबुक और ट्विटर के जरिए लिखा है कि हमने सदा क़ानून का सम्मान किया है, हालांकि हमारी बैक में दर्द है, फिर भी कानून की पालना करते हुए हम कोर्ट ज़रूर जाएंगे. हमें भगवान पर दृढ़ यकीन है. सभी शांति बनाए रखें.‬टिप्पणियां पढ़ें: रहस्य से कम नहीं है डेरा प्रमुख संत गुरमीत राम रहीम का जीवन, पढ़ें- 13 ऐसी बातें जो कर देंगी आपको हैरान उधर, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने सवाल उठाए हैं. डेरा समर्थकों के जमा होने पर हाईकोर्ट ने सख्त लहजे में पूछा है कि क्यों न डीजीपी को डिसमिस कर दिया जाए. आखिर कैसे लाखों लोग पंचकूला पहुंचे. प्रदेश में धारा -144 लागू करने का क्या मतलब था. अगर जरूरत हो तो आर्मी को स्टैंड बाय रखा जाए.  पढ़ें: रहस्य से कम नहीं है डेरा प्रमुख संत गुरमीत राम रहीम का जीवन, पढ़ें- 13 ऐसी बातें जो कर देंगी आपको हैरान उधर, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने सवाल उठाए हैं. डेरा समर्थकों के जमा होने पर हाईकोर्ट ने सख्त लहजे में पूछा है कि क्यों न डीजीपी को डिसमिस कर दिया जाए. आखिर कैसे लाखों लोग पंचकूला पहुंचे. प्रदेश में धारा -144 लागू करने का क्या मतलब था. अगर जरूरत हो तो आर्मी को स्टैंड बाय रखा जाए.  उधर, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने सवाल उठाए हैं. डेरा समर्थकों के जमा होने पर हाईकोर्ट ने सख्त लहजे में पूछा है कि क्यों न डीजीपी को डिसमिस कर दिया जाए. आखिर कैसे लाखों लोग पंचकूला पहुंचे. प्रदेश में धारा -144 लागू करने का क्या मतलब था. अगर जरूरत हो तो आर्मी को स्टैंड बाय रखा जाए.
संक्षिप्त सारांश: सिरसा के गांव बाजेकां में है डेरा सच्चा सौदा रात 10 से सिरसा और आसपास के गांवों में लगा कर्फ्यू DM प्रभजोत सिंह व पुलिस अधीक्षक अश्विन ने दिए आदेश
0
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: गृह मंत्रालय का कहना है कि पाकिस्तान ने घाटी में गड़बड़ी फैलने की अपनी रणनीति बदल ली है. अब वह सीधे-सीधे आतंकवादी वारदातों को अंजाम नहीं दे रहा है बल्कि उसका सारा ध्यान अब यहां नागरिक प्रतिरोध के ज़रिए कट्टरवाद को बढ़ावा देने पर है. अपनी एक रिपोर्ट में मंत्रालय ने साफ़ लिखा है कि कश्मीर घाटी में आतंकवादी घटनाओं के लिए पाकिस्तान की ओर से हो रही घुसपैठ ज़िम्मेदार है. अंतर्राष्ट्रीय सीमा और नियंत्रण रेखा, दोनों जगह से पाकिस्तान लगातार आतंकी भारत भेज रहा है. मंत्रालय ने अपनी रिपोर्ट में लिखा है कि साल 2016 में पाकिस्तान ने अपने हथकंडे बदले हैं अब वह न सिर्फ़ आतंकी भेज रहा है बल्कि कट्टरवाद को भी बढ़ावा दे रहा है और उसकी मदद कर रहे हैं वहां सक्रिय कुछ संगठन और सोशल मीडिया.टिप्पणियां मंत्रालय के मुताबिक़ 2016 में 2015 के मुक़ाबले ना सिर्फ़ घाटी में आतंकी हमले बढ़े बल्कि सुरक्षाकर्मी भी ज़्यादा मारे गए. घाटी में आतंकी वारदातों में 54.81 फ़ीसदी बढ़ोतरी हुई है और 110.25 फ़ीसदी ज़्यादा सुरक्षाकर्मी मारे  गए. मंत्रालय के आकड़ों के मुताबिक, 2016 जम्मू-कश्मीर में 322 आतंकी वारदातें हुईं जिसमें 82 सुरक्षाकर्मी मारे गए थे. सुरक्षाकर्मियों के अलावा 150 आतंकवादी और 15 आम नागरिक मारे गए. इसके मुक़ाबले 2015 जम्मू-कश्मीर में  208 आतंकी वारदातें हुईं जिसमें 39 सुरक्षाकर्मी, 108 आतंकी और 17 आम नागरिक मारे गए. घुसपैठ में भी चार गुना इजाफा हुआ है.  2016 में घुसपैठ के 364 मामले सामने आए जिसमें 112 आतंकी भारत दाख़िल होने में कामयाब रहे. जबकि 2015 में घुसपैठ के 121 मामले सामने आए थे और सिर्फ़ 33 आतंकी भारत की सरहद पार करने में कामयाब हुए थे. अपनी एक रिपोर्ट में मंत्रालय ने साफ़ लिखा है कि कश्मीर घाटी में आतंकवादी घटनाओं के लिए पाकिस्तान की ओर से हो रही घुसपैठ ज़िम्मेदार है. अंतर्राष्ट्रीय सीमा और नियंत्रण रेखा, दोनों जगह से पाकिस्तान लगातार आतंकी भारत भेज रहा है. मंत्रालय ने अपनी रिपोर्ट में लिखा है कि साल 2016 में पाकिस्तान ने अपने हथकंडे बदले हैं अब वह न सिर्फ़ आतंकी भेज रहा है बल्कि कट्टरवाद को भी बढ़ावा दे रहा है और उसकी मदद कर रहे हैं वहां सक्रिय कुछ संगठन और सोशल मीडिया.टिप्पणियां मंत्रालय के मुताबिक़ 2016 में 2015 के मुक़ाबले ना सिर्फ़ घाटी में आतंकी हमले बढ़े बल्कि सुरक्षाकर्मी भी ज़्यादा मारे गए. घाटी में आतंकी वारदातों में 54.81 फ़ीसदी बढ़ोतरी हुई है और 110.25 फ़ीसदी ज़्यादा सुरक्षाकर्मी मारे  गए. मंत्रालय के आकड़ों के मुताबिक, 2016 जम्मू-कश्मीर में 322 आतंकी वारदातें हुईं जिसमें 82 सुरक्षाकर्मी मारे गए थे. सुरक्षाकर्मियों के अलावा 150 आतंकवादी और 15 आम नागरिक मारे गए. इसके मुक़ाबले 2015 जम्मू-कश्मीर में  208 आतंकी वारदातें हुईं जिसमें 39 सुरक्षाकर्मी, 108 आतंकी और 17 आम नागरिक मारे गए. घुसपैठ में भी चार गुना इजाफा हुआ है.  2016 में घुसपैठ के 364 मामले सामने आए जिसमें 112 आतंकी भारत दाख़िल होने में कामयाब रहे. जबकि 2015 में घुसपैठ के 121 मामले सामने आए थे और सिर्फ़ 33 आतंकी भारत की सरहद पार करने में कामयाब हुए थे. मंत्रालय के मुताबिक़ 2016 में 2015 के मुक़ाबले ना सिर्फ़ घाटी में आतंकी हमले बढ़े बल्कि सुरक्षाकर्मी भी ज़्यादा मारे गए. घाटी में आतंकी वारदातों में 54.81 फ़ीसदी बढ़ोतरी हुई है और 110.25 फ़ीसदी ज़्यादा सुरक्षाकर्मी मारे  गए. मंत्रालय के आकड़ों के मुताबिक, 2016 जम्मू-कश्मीर में 322 आतंकी वारदातें हुईं जिसमें 82 सुरक्षाकर्मी मारे गए थे. सुरक्षाकर्मियों के अलावा 150 आतंकवादी और 15 आम नागरिक मारे गए. इसके मुक़ाबले 2015 जम्मू-कश्मीर में  208 आतंकी वारदातें हुईं जिसमें 39 सुरक्षाकर्मी, 108 आतंकी और 17 आम नागरिक मारे गए. घुसपैठ में भी चार गुना इजाफा हुआ है.  2016 में घुसपैठ के 364 मामले सामने आए जिसमें 112 आतंकी भारत दाख़िल होने में कामयाब रहे. जबकि 2015 में घुसपैठ के 121 मामले सामने आए थे और सिर्फ़ 33 आतंकी भारत की सरहद पार करने में कामयाब हुए थे. इसके मुक़ाबले 2015 जम्मू-कश्मीर में  208 आतंकी वारदातें हुईं जिसमें 39 सुरक्षाकर्मी, 108 आतंकी और 17 आम नागरिक मारे गए. घुसपैठ में भी चार गुना इजाफा हुआ है.  2016 में घुसपैठ के 364 मामले सामने आए जिसमें 112 आतंकी भारत दाख़िल होने में कामयाब रहे. जबकि 2015 में घुसपैठ के 121 मामले सामने आए थे और सिर्फ़ 33 आतंकी भारत की सरहद पार करने में कामयाब हुए थे.
2016 कश्मीर में 322 आतंकी वारदातों में 82 सुरक्षाकर्मी मारे गए 2015 में 208 आतंकी वारदातों में 39 सुरक्षाकर्मी मारे गए थे पाकिस्तान का सारा ध्यान कट्टरवाद को बढ़ावा देने पर है
28
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: साल 2016 में की गई सर्जिकल स्ट्राइक की अगुवाई कर चुके लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) डी एस हुड्डा ने शुक्रवार को कहा कि मोदी सरकार ने सेना को सीमा पार हमले करने की अनुमति देने में बहुत बड़ा संकल्प दिखाया है, लेकिन सेना के हाथ उससे पहले भी बंधे हुए नहीं थे. डीएस हुड्डा यहां विज्ञापन संगठनों द्वारा आयोजित एक वार्षिक कार्यक्रम 'गोवा फेस्ट' में बोल रहे थे. उन्होंने कहा, "मौजूदा सरकार ने सीमा पार जाकर सर्जिकल स्ट्राइक और बालाकोट में हवाई हमले की अनुमति देने में निश्चित रूप से महान राजनीतिक संकल्प दिखाया है. लेकिन इससे पहले भी आपकी सेना के हाथ नहीं बंधे थे." उन्होंने कहा, "सेना को खुली छूट देने के बारे में बहुत ज्यादा बातें हुई हैं, लेकिन 1947 से सेना सीमा पर स्वतंत्र है. इसने तीन-चार युद्ध लड़े हैं."  हुड्डा ने कहा, "नियंत्रण रेखा एक खतरनाक जगह है क्योंकि जैसा कि मैंने कहा कि आपके ऊपर गोलीबारी की जा रही है और जमीन पर सैनिक इसका तुरंत जवाब देंगे. वे (सैनिक) मुझसे भी नहीं पूछेंगे. कोई अनुमति लेने का कोई सवाल ही नहीं है. सेना को खुली छूट दी गई है और यह सब साथ में हुआ है, कोई विकल्प नहीं है." हुड्डा ने सितंबर 2016 में उरी आतंकी हमले के बाद सीमा-पार सर्जिकल स्ट्राइक के समय सेना की उत्तरी कमान की अगुवाई की थी. डीएस हुड्डा ने सैन्य अभियानों पर सबूत मांगने वाले बयानों की भी निंदा की. उन्होंने कहा, ‘कृपया अपने वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों पर भरोसा रखें. सैन्य अभियानों के महानिदेशक जब खुले तौर पर यह कहते हैं कि उन्होंने सर्जिकल स्ट्राइक किया तो जाहिर तौर पर इसमें शक करने जैसा कोई कारण नहीं है .'' सेवानिवृत्त लेफ्टिनेंट जनरल ने कहा कि सशस्त्र बलों ने किसी भी सरकार के समय में किसी तरह का राजनीतिक हस्तक्षेप नहीं देखा है. ‘‘सैन्य मामलों में दखल रखने वाले के तौर पर मैं पूरी तरह निष्पक्षता और ईमानदारी से कह सकता हूं कि सैन्य अभियान किस तरह चलाए जाएं इस बारे में कभी राजनीतिक नेताओं ने ज्यादा दखलंदाजी नहीं की .किसी ने नहीं कहा कि हमें नियंत्रण रेखा पर किस तरह का व्यवहार करना है और यही आपको करना चाहिए.''     हुड्डा ने सितंबर 2016 में उरी आतंकी हमले के बाद सीमा-पार सर्जिकल स्ट्राइक के समय सेना की उत्तरी कमान की अगुवाई की थी. हुड्डा अब राष्ट्रीय सुरक्षा पर कांग्रेस के कार्यबल का नेतृत्व कर रहे हैं. हुड्डा ने उरी आतंकी हमले को याद करते हुए कहा, ‘‘उस शाम, मैं चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ के साथ था. और हम तंबुओं की राख की चार इंच मोटी परत से गुजरते हुए कह रहे थे कि हमें कुछ करना है, हम इसे ऐसे ही जाने नहीं दे सकते.''  उन्होंने कहा, ‘‘जब हम विकल्पों के बारे में बात कर रहे थे, तब हमें इस बात ने मदद की कि पिछले एक साल से हम ऐसी किसी आकस्मिक स्थिति के लिए प्रशिक्षण में जुटे थे. हम नहीं जानते थे कि यह मौका कब आएगा. '' उन्होंने कहा, ‘‘(उरी हमले से पहले) पिछले एक साल से स्पेशल फोर्सेज को इसके लिए तैयार किया जा रहा था...यदि हमें सीमा पार पाकिस्तान में धावा बोलना हो, तो हमें क्या करना होगा. ''   हुड्डा ने कहा, ‘‘ जब हम सैनिकों को सीमा पार जाते हुए और आतंकवादियों को निशाना बनाकर वापस लौटते हुए देखते हैं तो इसका मतलब यह है कि उन्होंने अपने पूरे जीवन में सिर्फ काम, काम और काम किया है. सेना में हम कहते हैं कि शांतिकाल में आप जितना पसीना बहाओगे, युद्ध के दौरान आपका खून उतना ही कम बहेगा.'' हुड्डा ने कहा, ‘हमने सीमा पार पांच आतंकी शिविरों को निशाना बनाने का फैसला किया. यह बेहद पेचीदा अभियान था. यह दुनिया की सबसे ज्यादा चाक चौबंद सीमा है. हमने इसके पार जाने का निर्णय लिया, जहां पर आतंकवादियों के शिविर हैं. हमने उन्हें निशाना बनाने और वापस आने का निर्णय लिया.'' उन्होंने कहा कि सेना बेहद ‘आत्मविश्वासी' थी क्योंकि सुरक्षाबलों को बेहतरीन प्रशिक्षण मिला था. हुड्डा ने कहा, ‘‘ और सच कहूं तो मैंने सलाह पर काफी भरोसा किया. शीर्ष स्तर पर फैसले लेने के लिए आप अकेले होते हैं और अगर आप सलाह लेने से बचते हैं तो हो सकता है कि आप गलत फैसले लें.'' उन्होंने कहा, ‘‘ हमें अलग-अलग समय पर निशाना लगाना था.'' हुड्डा ने कहा, ‘‘ 27 सितंबर की रात में (सर्जिकल स्ट्राइक से दो दिन पहले) हमें यह सूचना मिली कि इनमें से एक आतंकी शिविर को मजबूत बनाकर सक्रिय किया गया. हम यह सोच रहे थे कि हमें इसे निशाने वाली सूची में रखना चाहिए या नहीं.'' उन्होंने कहा, ‘‘ इसके बाद हमने चार से पांच लोगों की एक छोटी टीम भेजने और अपने निशाने पर ध्यान केंद्रित रखने का फैसला किया .हमने खतरे उठाने का फैसला किया क्योंकि यह जरूरी था. ये वैसे लोग थे जिन्होंने अगले दिन हमें रास्ता दिखाया.'' हुड्डा ने कहा, ‘‘ हमने पहले निशाने पर करीब मध्यरात्रि में वार किया और अंतिम निशाने पर हमने सुबह छह बजे निशाना लगाया. इन दोनों निशानों के बीच छह घंटे का अंतर था. निश्वित रूप से पहला निशाना लगने के बाद हम चिंतित थे कि पाकिस्तान की सेना सक्रिय हो सकती है और सोच सकती है कि दूसरी जगहों को भी निशाना बनाया जा सकता है.'
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: सेना के हाथ नहीं बंधे थे- डीएस हुड्डा सर्जिकल स्ट्राइक की अगुवाई कर चुके हैं जनरल डी एस हुड्डा 1947 से सेना सीमा पर स्वतंत्र है
11
['hin']
एक सारांश बनाओ: सत्ताधारी संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन में राजनीतिक अनिश्चितता का नया दौर शुरू होने से निवेशकों की घबराहटपूर्ण बिकवाली से बंबई शेयर बाजार का सेंसेक्स 120 अंक नीचे आ गया। इसके अलावा भारतीय रिजर्व बैंक ऋण पुनर्गठन नियमों को भी कड़ा बनाने की तैयारी कर रहा है, जिससे बाजार की धारणा प्रभावित हुई। इससे पिछले तीन सत्रों में सेंसेक्स 176 अंक मजबूत हुआ था। बैंकों, पूंजीगत सामान तथा रीयल्टी कंपनियों के शेयरों में गिरावट से 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 120.41 अंक या 0.70 प्रतिशत की गिरावट के साथ 17,158.44 अंक पर आ गया। ब्रोकरों ने कहा कि इन खबरों की राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेताओं शरद पवार और प्रफुल्ल पटेल ने मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे दिया है, निवेशकों ने सतर्कता का रुख अपना लिया। वहीं दूसरी ओर निवेशक राष्ट्रपति चुनाव के बाद आर्थिक सुधारों की रफ्तार तेज होने की उम्मीद कर रहे हैं। कोटक सिक्योरिटीज के पीजीसी शोध प्रमुख दीपेन शाह ने कहा, ‘हम जोर देकर कह रहे हैं कि बाजार को गति देने के लिए आर्थिक सुधार बेहद जरूरी हैं।’ ब्रोकरों ने कहा कि केंद्रीय बैंक ने अपनी वेबसाइट पर कार्यसमूह की एक रिपोर्ट डाली है जिसके अनुसार बैंकों और वित्तीय संस्थानों द्वारा दिए गए ऋण के पुनर्गठन के नियमों की समीक्षा की जाएगी।टिप्पणियां आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, एचडीएफसी तथा भारतीय स्टेट बैंक सहित बैंकों के शेयरों में गिरावट आई। सेंसेक्स के 30 शेयरों में डॉ. रेड्डीज, भेल, स्टरलाइट और हीरो मोटोकार्प सहित 24 में गिरावट आई, वहीं बजाज ऑटो तथा टीसीएस सहित छह शेयर लाभ के साथ बंद हुए। इससे पिछले तीन सत्रों में सेंसेक्स 176 अंक मजबूत हुआ था। बैंकों, पूंजीगत सामान तथा रीयल्टी कंपनियों के शेयरों में गिरावट से 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 120.41 अंक या 0.70 प्रतिशत की गिरावट के साथ 17,158.44 अंक पर आ गया। ब्रोकरों ने कहा कि इन खबरों की राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेताओं शरद पवार और प्रफुल्ल पटेल ने मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे दिया है, निवेशकों ने सतर्कता का रुख अपना लिया। वहीं दूसरी ओर निवेशक राष्ट्रपति चुनाव के बाद आर्थिक सुधारों की रफ्तार तेज होने की उम्मीद कर रहे हैं। कोटक सिक्योरिटीज के पीजीसी शोध प्रमुख दीपेन शाह ने कहा, ‘हम जोर देकर कह रहे हैं कि बाजार को गति देने के लिए आर्थिक सुधार बेहद जरूरी हैं।’ ब्रोकरों ने कहा कि केंद्रीय बैंक ने अपनी वेबसाइट पर कार्यसमूह की एक रिपोर्ट डाली है जिसके अनुसार बैंकों और वित्तीय संस्थानों द्वारा दिए गए ऋण के पुनर्गठन के नियमों की समीक्षा की जाएगी।टिप्पणियां आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, एचडीएफसी तथा भारतीय स्टेट बैंक सहित बैंकों के शेयरों में गिरावट आई। सेंसेक्स के 30 शेयरों में डॉ. रेड्डीज, भेल, स्टरलाइट और हीरो मोटोकार्प सहित 24 में गिरावट आई, वहीं बजाज ऑटो तथा टीसीएस सहित छह शेयर लाभ के साथ बंद हुए। ब्रोकरों ने कहा कि इन खबरों की राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेताओं शरद पवार और प्रफुल्ल पटेल ने मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे दिया है, निवेशकों ने सतर्कता का रुख अपना लिया। वहीं दूसरी ओर निवेशक राष्ट्रपति चुनाव के बाद आर्थिक सुधारों की रफ्तार तेज होने की उम्मीद कर रहे हैं। कोटक सिक्योरिटीज के पीजीसी शोध प्रमुख दीपेन शाह ने कहा, ‘हम जोर देकर कह रहे हैं कि बाजार को गति देने के लिए आर्थिक सुधार बेहद जरूरी हैं।’ ब्रोकरों ने कहा कि केंद्रीय बैंक ने अपनी वेबसाइट पर कार्यसमूह की एक रिपोर्ट डाली है जिसके अनुसार बैंकों और वित्तीय संस्थानों द्वारा दिए गए ऋण के पुनर्गठन के नियमों की समीक्षा की जाएगी।टिप्पणियां आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, एचडीएफसी तथा भारतीय स्टेट बैंक सहित बैंकों के शेयरों में गिरावट आई। सेंसेक्स के 30 शेयरों में डॉ. रेड्डीज, भेल, स्टरलाइट और हीरो मोटोकार्प सहित 24 में गिरावट आई, वहीं बजाज ऑटो तथा टीसीएस सहित छह शेयर लाभ के साथ बंद हुए। कोटक सिक्योरिटीज के पीजीसी शोध प्रमुख दीपेन शाह ने कहा, ‘हम जोर देकर कह रहे हैं कि बाजार को गति देने के लिए आर्थिक सुधार बेहद जरूरी हैं।’ ब्रोकरों ने कहा कि केंद्रीय बैंक ने अपनी वेबसाइट पर कार्यसमूह की एक रिपोर्ट डाली है जिसके अनुसार बैंकों और वित्तीय संस्थानों द्वारा दिए गए ऋण के पुनर्गठन के नियमों की समीक्षा की जाएगी।टिप्पणियां आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, एचडीएफसी तथा भारतीय स्टेट बैंक सहित बैंकों के शेयरों में गिरावट आई। सेंसेक्स के 30 शेयरों में डॉ. रेड्डीज, भेल, स्टरलाइट और हीरो मोटोकार्प सहित 24 में गिरावट आई, वहीं बजाज ऑटो तथा टीसीएस सहित छह शेयर लाभ के साथ बंद हुए। ब्रोकरों ने कहा कि केंद्रीय बैंक ने अपनी वेबसाइट पर कार्यसमूह की एक रिपोर्ट डाली है जिसके अनुसार बैंकों और वित्तीय संस्थानों द्वारा दिए गए ऋण के पुनर्गठन के नियमों की समीक्षा की जाएगी।टिप्पणियां आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, एचडीएफसी तथा भारतीय स्टेट बैंक सहित बैंकों के शेयरों में गिरावट आई। सेंसेक्स के 30 शेयरों में डॉ. रेड्डीज, भेल, स्टरलाइट और हीरो मोटोकार्प सहित 24 में गिरावट आई, वहीं बजाज ऑटो तथा टीसीएस सहित छह शेयर लाभ के साथ बंद हुए। आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, एचडीएफसी तथा भारतीय स्टेट बैंक सहित बैंकों के शेयरों में गिरावट आई। सेंसेक्स के 30 शेयरों में डॉ. रेड्डीज, भेल, स्टरलाइट और हीरो मोटोकार्प सहित 24 में गिरावट आई, वहीं बजाज ऑटो तथा टीसीएस सहित छह शेयर लाभ के साथ बंद हुए। सेंसेक्स के 30 शेयरों में डॉ. रेड्डीज, भेल, स्टरलाइट और हीरो मोटोकार्प सहित 24 में गिरावट आई, वहीं बजाज ऑटो तथा टीसीएस सहित छह शेयर लाभ के साथ बंद हुए।
संक्षिप्त पाठ: सत्ताधारी संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन में राजनीतिक अनिश्चितता का नया दौर शुरू होने से निवेशकों की घबराहटपूर्ण बिकवाली से बंबई शेयर बाजार का सेंसेक्स 120 अंक नीचे आ गया।
30
['hin']
एक सारांश बनाओ: भारतीय नौसेना (Indian Navy) को पहली महिला पायलेट मिलने वाली हैं. लेफ्टिनेंट शिवांगी (Lieutenant Shivangi) 2 दिसंबर को पहली महिला पायलेट के रूप में ज्वाइन करेंगी. शिवांगी (Shivangi) फिक्स्ड विंग डोर्नियर सर्विलांस विमान उड़ाएंगी. वह कोच्चि में ऑपरेशन ड्यूटी में शामिल होंगी. शिवांगी बिहार के मुजफ्फरपुर से हैं. उन्होंने अपनी पढ़ाई डीएवी पब्लिक स्कूल से की है. स्कूली शिक्षा पूरी करने के बाद शिवांगी (Lieutenant Shivangi)  ने सिक्किम मणिपाल इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से बीटेक किया. भारतीय नौसेना अकादमी (Indian Naval Academy) में शिवांगी को 27 एनओसी कोर्स के तहत एसएसी (पायलट) के तौर पर शामिल किया गया था. उन्हें पिछले साल जून में वाइस एडमिरल ए.के. चावला ने औपचारिक तौर पर नौसेना का हिस्सा बनाया था. अब शिवांगी सर्विलांस विमान उडाएंगी. ये सर्विलांस विमान कम दूरी के समुद्री मिशन पर भेजे जाते हैं. इसमें एडवांस सर्विलांस राडार, इलेक्ट्रॉनिक सेंसर और नेटवर्किंग जैसे कई उपकरण मौजूद होते हैं.
यह एक सारांश है: लेफ्टिनेंट शिवांगी नौसेना की पहली महिला पायलेट बनेंगी. शिवांगी फिक्स्ड विंग डोर्नियर सर्विलांस विमान उड़ाएंगी. वह कोच्चि में ऑपरेशन ड्यूटी में शामिल होंगी.
21
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: इंग्लैंड दौरे पर पहुंची भारतीय क्रिकेट टीम के गेंदबाज सॉमरसेट के खिलाफ तीन दिनों के अभ्यास मैच के पहले दिन संघर्ष करते नजर आए। पहले दिन आरूल सुपैया के नाबाद 145 रनों की बदौलत सॉमरसेट ने दो विकेट खोकर 329 रन बना लिए। इंग्लिश काउंटी टीम सॉमरसेट की ओर से निक कोम्टन ने भी 136 गेंदों पर 88 रनों की शानदार पारी खेली। पहले दिन सुपैया 145 और क्रिस जोंस एक रन बनाकर नाबाद थे। इंग्लैंड के कप्तान एंड्रयू स्ट्रास (78) ने पहले सत्र में अर्धशतकीय पारी खेलकर फार्म में वापसी की। कुछ समय के लिए बारिश ने खेल में खलल डाला। पहले दिन न तो चोट से वापसी करने वाले गेंदबाज जहीर खान और एस श्रीसंत ने और न ही कैरेबियाई दौरे से लौटे मुनाफ पटेल और अमित मिश्रा ही गेंदबाजी में कोई कमाल कर सके, जिससे स्थानीय टीम ने आराम से रन जोड़ना जारी रखा। इसके अलावा मिश्रा जिस हाथ से गेंदबाजी करते हैं, उसे सुपैया के शॉट से झटका लगा, जिससे इस लेग स्पिनर को चाय सत्र से आधे घंटे पहले मैदान छोड़कर जाना पड़ा। मिश्रा का यह 15वां ओवर था और उस वक्त सॉमरसेट  ने एक विकेट पर 210 रन बनाए थे।
यहाँ एक सारांश है:पहले दिन आरूल सुपैया के नाबाद 145 रनों की बदौलत सॉमरसेट ने दो विकेट खोकर 329 रन बना लिए। कोम्टन ने भी 88 रनों की शानदार पारी खेली।
17
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: कोल आवंटन को लेकर पहले ही विवादों में घिरे कोयला मंत्री श्रीप्रकाश जायसवाल अब नए विवाद में फंस गए हैं। उन्होंने महिलाओं को लेकर अभद्र बयान दिया है। जायसवाल ने कहा है कि शादी जैसे-जैसे पुरानी होती है उसका मजा कम होता जाता है।टिप्पणियां केंद्रीय मंत्री के इस बयान का विरोध भी शुरू हो चुका है। कानपुर में महिला संगठनों ने कोयला मंत्री का पुतला फूंका है। यहां महिला संगठनों ने बड़े चौराहे पर विरोध प्रदर्शन किया। दूसरी ओर जायसवाल ने एनडीटीवी पर सफाई देते हुए कहा कि मेरे बयान को गलत तरीके से पेश किया गया है। मैंने यह बात टी-20 में भारत की पाकिस्तान पर हुई जीत के संदर्भ में कही थी। केंद्रीय मंत्री के इस बयान का विरोध भी शुरू हो चुका है। कानपुर में महिला संगठनों ने कोयला मंत्री का पुतला फूंका है। यहां महिला संगठनों ने बड़े चौराहे पर विरोध प्रदर्शन किया। दूसरी ओर जायसवाल ने एनडीटीवी पर सफाई देते हुए कहा कि मेरे बयान को गलत तरीके से पेश किया गया है। मैंने यह बात टी-20 में भारत की पाकिस्तान पर हुई जीत के संदर्भ में कही थी। दूसरी ओर जायसवाल ने एनडीटीवी पर सफाई देते हुए कहा कि मेरे बयान को गलत तरीके से पेश किया गया है। मैंने यह बात टी-20 में भारत की पाकिस्तान पर हुई जीत के संदर्भ में कही थी।
जायसवाल ने महिलाओं को लेकर अभद्र बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि शादी जैसे-जैसे पुरानी होती है, उसका मजा कम होता जाता है।
34
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: रिजर्व बैंक ने स्पष्ट किया है कि 10 लाख रुपये तक के आवास ऋण पर मिलने वाली ब्याज रियायत प्रावासी भारतीयों पर लागू नहीं होती है। बैंक 10 लाख रुपये तक के आवास ऋण पर ब्याज में एक प्रतिशत रियायत देते हैं। रिजर्व बैंक ने एक अधिसूचना में कहा है, फार्म हाउस बनाने के लिए प्रवासियों को दिए जाने वाले आवास ऋण और बैंक स्टाफ को दिए जाने वाले आवास ऋण ब्याज सब्सिडी योजना के योग्य पात्र नहीं हैं। केन्द्रीय बैंक ने कहा है कि उसकी यह अधिसूचना हाल में इस संबंध में जारी सरकारी स्पष्टीकरण के बाद जारी की गई है। केन्द्र सरकार ने 2009-10 के आम बजट में एक रियायत आवास ऋण योजना घोषित की थी। इसमें 10 लाख रुपये तक के व्यक्तिगत आवास ऋण पर ब्याज में एक प्रतिशत तक की छूट देने का प्रावधान किया गया था बशर्ते कि मकान की कीमत 20 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए। ये योजना 30 सितंबर 2010 तक वैद्य थी। इसके लिये बजट में 1,000 करोड रुपये का आवंटन किया गया था। पिछले बजट में इस योजना को 31 मार्च 2011 तक के लिए बढ़ा दिया गया था और 700 रुपये का अतिरिक्त आवंटन किया गया था।
संक्षिप्त सारांश: रिजर्व बैंक ने स्पष्ट किया है कि 10 लाख रुपये तक के आवास ऋण पर मिलने वाली ब्याज रियायत प्रावासी भारतीयों पर लागू नहीं होती है।
29
['hin']
एक सारांश बनाओ: भारत ने यूं तो मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड पर 10 में से दो टेस्ट मैच में जीत दर्ज की, लेकिन जब से इस ऐतिहासिक मैदान पर बाक्सिंग डे यानी 26 दिसंबर से मैचों की शुरुआत होने लगी तब से भारतीय टीम को अधिकतर अवसरों पर हार का ही सामना करना पड़ा। सिर्फ मेलबर्न ही नहीं, ओवरआल भी भारत का बॉक्सिंग डे पर शुरू हुए टेस्ट मैचों में रिकार्ड अच्छा नहीं रहा है। भारतीय टीम ने अब तक ऐसे 10 टेस्ट मैच खेले हैं जो 26 दिसंबर से शुरू हुए। इनमें से सात मैच में उसे हार मिली जबकि केवल एक मैच वह जीत पाया। बाकी दो मैच ड्रॉ रहे। यह कह सकते हैं कि भारत ने बॉक्सिंग डे पर नहीं जीत पाने का मिथक तोड़ दिया है, लेकिन ऑस्ट्रेलियाई सरजमीं पर नहीं। भारत ने ठीक एक साल पहले 26 दिसंबर, 2010 को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ डरबन में शुरू हुए टेस्ट मैच में 87 रन से जीत दर्ज की थी। ऑस्ट्रेलिया में हालांकि बाक्सिंग डे टेस्ट मैच का अलग महत्व है। ऑस्ट्रेलिया की टीम पिछले कई वर्षों से अपने देश का दौरा करने वाली टीम के खिलाफ 26 दिसंबर से मेलबर्न में टेस्ट मैच खेलती रही। इसलिए बॉक्सिंग डे का ऑस्ट्रेलिया और मेलबर्न से खास रिश्ता बन गया है। भारत ने पहली बार 1985 में कपिल देव की कप्तानी में मेलबर्न में बॉक्सिंग डे टेस्ट मैच खेला था। भारत को शृंखला के इस दूसरे मैच में 25 ओवर में 126 रन बनाने का लक्ष्य मिला था, लेकिन वह दो विकेट पर 59 रन ही बना पाया था। यह मैच ड्रॉ हो गया था। यह ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान स्टीव वॉ का पदार्पण टेस्ट था। भारतीय टीम 1999 में जब मेलबर्न में खेलने उतरी थी तो तेंदुलकर स्वयं कप्तान थे। ब्रेट ली के इस पदार्पण टेस्ट मैच में तेंदुलकर ने 116 रन की कप्तानी पारी खेली, लेकिन इसके बावजूद भारत शृंखला का यह दूसरा मैच 180 रन से हार गया था। इसके चार साल बाद 2003 में वीरेंद्र सहवाग की 195 रन की पारी भी भारत के काम नहीं आई थी और ऑस्ट्रेलिया नौ विकेट से जीत दर्ज करने में सफल रहा था। भारत ने 2007 में दूसरा टेस्ट मैच 26 दिसंबर को मेलबर्न में खेला था। इस मैच में भारतीय बल्लेबाज बुरी तरह असफल रहे और टीम को 337 रन के बड़े अंतर से हार का सामना करना पड़ा था। अब जबकि ऑस्ट्रेलिया के पास कम अनुभवी गेंदबाज हैं, तब भारत के पास बॉक्सिंग डे मैच में जीत दर्ज करने का सुनहरा मौका है। बॉक्सिंग डे पर अन्य देशों के खिलाफ भारत के प्रदर्शन को देखा जाए तो उसने 1987 में वेस्टइंडीज के खिलाफ तीसरा टेस्ट मैच ड्रॉ खेला था। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 1992 में पोर्ट एलिजाबेथ में उसे नौ विकेट जबकि न्यूजीलैंड के खिलाफ 1998 में वेलिंगटन में चार विकेट से हार झेलनी पड़ी थी। भारतीय टीम ने 2006 में डरबन में दक्षिण अफ्रीका से बॉक्सिंग डे पर दूसरा टेस्ट मैच खेला था, लेकिन वह 174 रन से हार गई थी। लेकिन भारत पिछले साल यानी 26 दिसंबर, 2010 को वह वीवीएस लक्ष्मण की 96 रन की आकर्षक पारी से बॉक्सिंग डे मैच में हार का क्रम तोड़ने में सफल रहा था। इनमें से पहले मैच में भगवत चंद्रशेखर ने 12 विकेट लिए तो गावस्कर ने दूसरी पारी में 118 रन बनाए, जबकि 1981 के मैच में गुंडप्पा विश्वनाथ ने शतक लगाया और कपिल देव ने दूसरी पारी में पांच विकेट लिए थे। ऑस्ट्रेलिया ने अब तक मेलबर्न में 103 टेस्ट मैच खेले हैं, जिनमें से 58 में उसे जीत मिली है, जबकि 30 में उसे हार का सामना करना पड़ा है। वैसे ऑस्ट्रेलिया ने इस मैदान पर बॉक्सिंग डे पर जो पिछले तीन मैच में खेले हैं, उनमें से दो में उसे हार झेलनी पड़ी है। वह 2008 में दक्षिण अफ्रीका से हार गया था, जबकि 2010 में इंग्लैंड ने उसे पारी और 157 रन से करारी शिकस्त दी थी।
यहाँ एक सारांश है:बॉक्सिंग डे का ऑस्ट्रेलिया और मेलबर्न से खास रिश्ता है। भारत ने पहली बार 1985 में कपिल देव की कप्तानी में मेलबर्न में बॉक्सिंग डे टेस्ट मैच खेला था।
15
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: गुजरात दंगा मामले के दीपदा दरवाजा केस में मेहसाणा की अदालत ने 22 लोगों को दोषी करार और पूर्व बीजेपी विधायक समेत 61 लोगों को बरी कर दिया है। दोषी 21 लोगों को उम्रकैद की सजा दी गई है। वहीं एक पुलिस वाले को ड्यूटी सही से नहीं करने का दोषी पाया गया है जिसे एक साल कैद की सजा दी है। गौरतलब है कि 10 साल पहले यहां यूसुफ पठान के परिवार के 11 लोगों की हत्या कर दी गई थी। इस मामले में बीजेपी विधायक प्रह्लाद गोसा समेत 85 लोगों को आरोपी बनाया गया था। दंगों के वक्त यहां 26 मुस्लिम परिवार रहते थे जिनमें से 50 लोग समय पर बचकर निकल गए थे लेकिन यूसुफ का परिवार दंगाइयों का शिकार हो गया था। गौरतलब है कि 10 साल पहले यहां यूसुफ पठान के परिवार के 11 लोगों की हत्या कर दी गई थी। इस मामले में बीजेपी विधायक प्रह्लाद गोसा समेत 85 लोगों को आरोपी बनाया गया था। दंगों के वक्त यहां 26 मुस्लिम परिवार रहते थे जिनमें से 50 लोग समय पर बचकर निकल गए थे लेकिन यूसुफ का परिवार दंगाइयों का शिकार हो गया था।
संक्षिप्त सारांश: गुजरात दंगा मामले के दीपदा दरवाजा केस में मेहसाणा की अदालत ने 22 लोगों को दोषी करार और पूर्व बीजेपी विधायक समेत 61 लोगों को बरी कर दिया है।
29
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: बीसीसीआई ने रविवार को इन दावों को बकवास करार दिया कि भारत और पाकिस्तान के बीच 2011 विश्वकप का सेमी-फाइनल मुकाबला फिक्स हो सकता है। बोर्ड ने कहा कि इस तरह की बातें भारतीय टीम का अपमान है जिसने जीत के लिए कड़ी मेहनत की थी। ब्रिटेन के खेल सट्टेबाजी से जुड़े पत्रकार ने अपनी किताब में इन दोनों चिर प्रतिद्वंद्वियों के बीच खेले गए मैच को लेकर संदेह जताया है। यह किताब अभी जारी नहीं हुई है। बीसीसीआई सचिव एन श्रीनिवासन ने हालांकि इन दावों को खारिज कर दिया। उन्होंने पत्रकारों से कहा, ‘‘मैं अमूमन अखबारों की इस तरह की रिपोर्ट पर बात नहीं करता लेकिन यह सचाई से परे है तथा यह भारतीय टीम का अपमान है जिसने जीत के लिये कड़ी मेहनत की थी।’’ इस दावे के बारे में पाकिस्तान के एक प्रमुख ऑफ स्पिनर ने कहा कि ऐसा आगामी शृंखला को प्रभावित करने के लिये किया गया है। भारत और पाकिस्तान के बीच दिसंबर जनवरी में तीन वनडे और दो टी-20 मैचों की शृंखला खेली जाएगी। टिप्पणियां दोनों देशों के बीच पांच साल बाद द्विपक्षीय शृंखला होगी। इस पत्रकार ने अपनी किताब में लिखा है कि उन्हें भारतीय सट्टेबाज से संदेश मिला था जिसने मैच को लेकर भविष्यवाणी की थी। ब्रिटिश समाचार पत्र ‘डेली मेल’ ने इस किताब के अंश प्रकाशित किए हैं। आईसीसी ने इससे पहले इस मैच के तुरंत बाद के आरोपों को खारिज कर दिया था। बोर्ड ने कहा कि इस तरह की बातें भारतीय टीम का अपमान है जिसने जीत के लिए कड़ी मेहनत की थी। ब्रिटेन के खेल सट्टेबाजी से जुड़े पत्रकार ने अपनी किताब में इन दोनों चिर प्रतिद्वंद्वियों के बीच खेले गए मैच को लेकर संदेह जताया है। यह किताब अभी जारी नहीं हुई है। बीसीसीआई सचिव एन श्रीनिवासन ने हालांकि इन दावों को खारिज कर दिया। उन्होंने पत्रकारों से कहा, ‘‘मैं अमूमन अखबारों की इस तरह की रिपोर्ट पर बात नहीं करता लेकिन यह सचाई से परे है तथा यह भारतीय टीम का अपमान है जिसने जीत के लिये कड़ी मेहनत की थी।’’ इस दावे के बारे में पाकिस्तान के एक प्रमुख ऑफ स्पिनर ने कहा कि ऐसा आगामी शृंखला को प्रभावित करने के लिये किया गया है। भारत और पाकिस्तान के बीच दिसंबर जनवरी में तीन वनडे और दो टी-20 मैचों की शृंखला खेली जाएगी। टिप्पणियां दोनों देशों के बीच पांच साल बाद द्विपक्षीय शृंखला होगी। इस पत्रकार ने अपनी किताब में लिखा है कि उन्हें भारतीय सट्टेबाज से संदेश मिला था जिसने मैच को लेकर भविष्यवाणी की थी। ब्रिटिश समाचार पत्र ‘डेली मेल’ ने इस किताब के अंश प्रकाशित किए हैं। आईसीसी ने इससे पहले इस मैच के तुरंत बाद के आरोपों को खारिज कर दिया था। बीसीसीआई सचिव एन श्रीनिवासन ने हालांकि इन दावों को खारिज कर दिया। उन्होंने पत्रकारों से कहा, ‘‘मैं अमूमन अखबारों की इस तरह की रिपोर्ट पर बात नहीं करता लेकिन यह सचाई से परे है तथा यह भारतीय टीम का अपमान है जिसने जीत के लिये कड़ी मेहनत की थी।’’ इस दावे के बारे में पाकिस्तान के एक प्रमुख ऑफ स्पिनर ने कहा कि ऐसा आगामी शृंखला को प्रभावित करने के लिये किया गया है। भारत और पाकिस्तान के बीच दिसंबर जनवरी में तीन वनडे और दो टी-20 मैचों की शृंखला खेली जाएगी। टिप्पणियां दोनों देशों के बीच पांच साल बाद द्विपक्षीय शृंखला होगी। इस पत्रकार ने अपनी किताब में लिखा है कि उन्हें भारतीय सट्टेबाज से संदेश मिला था जिसने मैच को लेकर भविष्यवाणी की थी। ब्रिटिश समाचार पत्र ‘डेली मेल’ ने इस किताब के अंश प्रकाशित किए हैं। आईसीसी ने इससे पहले इस मैच के तुरंत बाद के आरोपों को खारिज कर दिया था। इस दावे के बारे में पाकिस्तान के एक प्रमुख ऑफ स्पिनर ने कहा कि ऐसा आगामी शृंखला को प्रभावित करने के लिये किया गया है। भारत और पाकिस्तान के बीच दिसंबर जनवरी में तीन वनडे और दो टी-20 मैचों की शृंखला खेली जाएगी। टिप्पणियां दोनों देशों के बीच पांच साल बाद द्विपक्षीय शृंखला होगी। इस पत्रकार ने अपनी किताब में लिखा है कि उन्हें भारतीय सट्टेबाज से संदेश मिला था जिसने मैच को लेकर भविष्यवाणी की थी। ब्रिटिश समाचार पत्र ‘डेली मेल’ ने इस किताब के अंश प्रकाशित किए हैं। आईसीसी ने इससे पहले इस मैच के तुरंत बाद के आरोपों को खारिज कर दिया था। दोनों देशों के बीच पांच साल बाद द्विपक्षीय शृंखला होगी। इस पत्रकार ने अपनी किताब में लिखा है कि उन्हें भारतीय सट्टेबाज से संदेश मिला था जिसने मैच को लेकर भविष्यवाणी की थी। ब्रिटिश समाचार पत्र ‘डेली मेल’ ने इस किताब के अंश प्रकाशित किए हैं। आईसीसी ने इससे पहले इस मैच के तुरंत बाद के आरोपों को खारिज कर दिया था। ब्रिटिश समाचार पत्र ‘डेली मेल’ ने इस किताब के अंश प्रकाशित किए हैं। आईसीसी ने इससे पहले इस मैच के तुरंत बाद के आरोपों को खारिज कर दिया था।
यह एक सारांश है: ब्रिटेन के खेल सट्टेबाजी से जुड़े पत्रकार ने अपनी किताब में इन दोनों चिर प्रतिद्वंद्वियों के बीच खेले गए मैच को लेकर संदेह जताया है। यह किताब अभी जारी नहीं हुई है।
16
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जे जयलिता ने सोमवार को प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से अपील की कि वह उन राज्यों पर राष्ट्रीय आतंकवाद निरोधक केंद्र (एनसीटीसी) न थोपें, जो इसके पक्ष में नहीं हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री से इस मुद्दे पर मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाने की भी अपील की। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को भेजे गए पत्र में जयललिता ने लिखा है, "मैं अनुरोध करती हूं कि एनसीटीसी का गठन सबसे पहले स्थगित किया जाना चाहिए और इस पर चर्चा के लिए मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाई जानी चाहिए।"टिप्पणियां उन्होंने लिखा, "आतंकवाद के खिलाफ मुख्यमंत्रियों के विचारों पर गहनता से विचार किया जाना चाहिए और इस पर उद्देश्यपरक चर्चा होनी चाहिए। इस मुद्दे पर मैं जल्द जवाब का अनुरोध करती हूं।" एनसीटीसी सहित आंतरिक सुरक्षा के मुद्दे पर चर्चा के लिए 16 अप्रैल को मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाने के केंद्र सरकार के फैसले पर हैरानी जताते हुए जयललिता ने लिखा, "यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि मुख्यमंत्रियों के विचारों एवं भावनाओं को ध्यान में रखे बिना ही एनसीटीसी का गठन बलपूर्वक करने की कोशिश की जा रही है।" उन्होंने प्रधानमंत्री से इस मुद्दे पर मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाने की भी अपील की। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को भेजे गए पत्र में जयललिता ने लिखा है, "मैं अनुरोध करती हूं कि एनसीटीसी का गठन सबसे पहले स्थगित किया जाना चाहिए और इस पर चर्चा के लिए मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाई जानी चाहिए।"टिप्पणियां उन्होंने लिखा, "आतंकवाद के खिलाफ मुख्यमंत्रियों के विचारों पर गहनता से विचार किया जाना चाहिए और इस पर उद्देश्यपरक चर्चा होनी चाहिए। इस मुद्दे पर मैं जल्द जवाब का अनुरोध करती हूं।" एनसीटीसी सहित आंतरिक सुरक्षा के मुद्दे पर चर्चा के लिए 16 अप्रैल को मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाने के केंद्र सरकार के फैसले पर हैरानी जताते हुए जयललिता ने लिखा, "यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि मुख्यमंत्रियों के विचारों एवं भावनाओं को ध्यान में रखे बिना ही एनसीटीसी का गठन बलपूर्वक करने की कोशिश की जा रही है।" प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को भेजे गए पत्र में जयललिता ने लिखा है, "मैं अनुरोध करती हूं कि एनसीटीसी का गठन सबसे पहले स्थगित किया जाना चाहिए और इस पर चर्चा के लिए मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाई जानी चाहिए।"टिप्पणियां उन्होंने लिखा, "आतंकवाद के खिलाफ मुख्यमंत्रियों के विचारों पर गहनता से विचार किया जाना चाहिए और इस पर उद्देश्यपरक चर्चा होनी चाहिए। इस मुद्दे पर मैं जल्द जवाब का अनुरोध करती हूं।" एनसीटीसी सहित आंतरिक सुरक्षा के मुद्दे पर चर्चा के लिए 16 अप्रैल को मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाने के केंद्र सरकार के फैसले पर हैरानी जताते हुए जयललिता ने लिखा, "यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि मुख्यमंत्रियों के विचारों एवं भावनाओं को ध्यान में रखे बिना ही एनसीटीसी का गठन बलपूर्वक करने की कोशिश की जा रही है।" उन्होंने लिखा, "आतंकवाद के खिलाफ मुख्यमंत्रियों के विचारों पर गहनता से विचार किया जाना चाहिए और इस पर उद्देश्यपरक चर्चा होनी चाहिए। इस मुद्दे पर मैं जल्द जवाब का अनुरोध करती हूं।" एनसीटीसी सहित आंतरिक सुरक्षा के मुद्दे पर चर्चा के लिए 16 अप्रैल को मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाने के केंद्र सरकार के फैसले पर हैरानी जताते हुए जयललिता ने लिखा, "यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि मुख्यमंत्रियों के विचारों एवं भावनाओं को ध्यान में रखे बिना ही एनसीटीसी का गठन बलपूर्वक करने की कोशिश की जा रही है।" एनसीटीसी सहित आंतरिक सुरक्षा के मुद्दे पर चर्चा के लिए 16 अप्रैल को मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाने के केंद्र सरकार के फैसले पर हैरानी जताते हुए जयललिता ने लिखा, "यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि मुख्यमंत्रियों के विचारों एवं भावनाओं को ध्यान में रखे बिना ही एनसीटीसी का गठन बलपूर्वक करने की कोशिश की जा रही है।"
संक्षिप्त पाठ: पीएम को लिखे इस पत्र में जयललिता ने एनसीटीसी को फिलहाल ठंडे बस्ते में रखते हुए पीएम से जल्द से जल्द इस मुद्दे पर मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाने की अपील भी की है।
22
['hin']
एक सारांश बनाओ: सीनियर आफ स्पिनर हरभजन सिंह का मानना है कि असल मजा चुनौतीपूर्ण विकेट पर गेंदबाजी करना है जो पूरी तरह से स्पिन की अनुकूल नहीं हो. रविचंद्रन अश्विन ने इंग्लैंड के खिलाफ पहले टेस्ट की पहली पारी में 46 ओवर में 167 रन दिए और उन्हें सिर्फ दो विकेट मिले लेकिन हरभजन ने इसे ‘एक खराब दिन’ करार दिया.   राजकोट में पहले दिन भारत के गेंदबाजी प्रदर्शन के बारे में पूछने पर हरभजन ने कहा, ‘‘मजा तो तब है जब विकेट चुनौतीपूर्ण हो. आपको अपनी लाइन और लेंथ में निरंतरता रखनी होगी और विभिन्न चीजें करने का प्रयास करना होगा. आपको विकेट हासिल करने के लिए जूझना होगा और इससे गेंदबाज के रूप में आपका कौशल निखरेगा.’’ हरभजन का साथ ही मानना है कि इंग्लैंड के बल्लेबाजों को पूरा श्रेय दिया जाना चाहिए. हरभजन ने यहां एक प्रचार कार्यक्रम के दौरान कहा, ‘‘रूट, स्टोक्स और मोईन सभी अच्छे खिलाड़ी हैं. उनकी टीम युवा है लेकिन अब तक टेस्ट मैच में उन्होंने अच्छी बल्लेबाजी की है. लेकिन यह अब भी शुरूआती दिन हैं. आप भारतीय गेंदबाजों को खारिज नहीं कर सकते. यह एक बुरा दिन है और मैं दूसरी पारी में अच्छे प्रदर्शन के लिए अश्विन और जडेजा दोनों का समर्थन करता हूं.’’ टिप्पणियां पिता बनने के बाद हरभजन ने क्रिकेट से थोड़े समय के लिए ब्रेक लिया और ब्रिटेन में अपने परिवार के साथ समय बिताया लेकिन वह नागपुर में तमिलनाडु के खिलाफ पंजाब के अगले रणजी ट्राफी मैच में वापसी के लिए तैयार हैं. हरभजन ने कहा कि पिता बनना एक ऐसा अनुभव है जो निश्चित तौर पर दो विश्व कप जीतने से बड़ा है. उन्होंने कहा, ‘‘मेरी बेटी मेरे जीवन का सबसे बेहतरीन तोहफा है. अब मुझे किसी और चीज को देखने की जरूरत नहीं है. विश्व कप, टेस्ट श्रृंखला में जीत जैसी चीजें पिता बनने की खुशी की तुलना में कुछ भी नहीं हैं.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) हरभजन का साथ ही मानना है कि इंग्लैंड के बल्लेबाजों को पूरा श्रेय दिया जाना चाहिए. हरभजन ने यहां एक प्रचार कार्यक्रम के दौरान कहा, ‘‘रूट, स्टोक्स और मोईन सभी अच्छे खिलाड़ी हैं. उनकी टीम युवा है लेकिन अब तक टेस्ट मैच में उन्होंने अच्छी बल्लेबाजी की है. लेकिन यह अब भी शुरूआती दिन हैं. आप भारतीय गेंदबाजों को खारिज नहीं कर सकते. यह एक बुरा दिन है और मैं दूसरी पारी में अच्छे प्रदर्शन के लिए अश्विन और जडेजा दोनों का समर्थन करता हूं.’’ टिप्पणियां पिता बनने के बाद हरभजन ने क्रिकेट से थोड़े समय के लिए ब्रेक लिया और ब्रिटेन में अपने परिवार के साथ समय बिताया लेकिन वह नागपुर में तमिलनाडु के खिलाफ पंजाब के अगले रणजी ट्राफी मैच में वापसी के लिए तैयार हैं. हरभजन ने कहा कि पिता बनना एक ऐसा अनुभव है जो निश्चित तौर पर दो विश्व कप जीतने से बड़ा है. उन्होंने कहा, ‘‘मेरी बेटी मेरे जीवन का सबसे बेहतरीन तोहफा है. अब मुझे किसी और चीज को देखने की जरूरत नहीं है. विश्व कप, टेस्ट श्रृंखला में जीत जैसी चीजें पिता बनने की खुशी की तुलना में कुछ भी नहीं हैं.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) पिता बनने के बाद हरभजन ने क्रिकेट से थोड़े समय के लिए ब्रेक लिया और ब्रिटेन में अपने परिवार के साथ समय बिताया लेकिन वह नागपुर में तमिलनाडु के खिलाफ पंजाब के अगले रणजी ट्राफी मैच में वापसी के लिए तैयार हैं. हरभजन ने कहा कि पिता बनना एक ऐसा अनुभव है जो निश्चित तौर पर दो विश्व कप जीतने से बड़ा है. उन्होंने कहा, ‘‘मेरी बेटी मेरे जीवन का सबसे बेहतरीन तोहफा है. अब मुझे किसी और चीज को देखने की जरूरत नहीं है. विश्व कप, टेस्ट श्रृंखला में जीत जैसी चीजें पिता बनने की खुशी की तुलना में कुछ भी नहीं हैं.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
संक्षिप्त सारांश: जूझने पर गेंदबाज के रूप में निखरता है कौशल नागपुर में अगले रणजी ट्राफी मैच के लिए तैयार हैं हरभजन कहा, मेरी बेटी मेरे जीवन का सबसे बेहतरीन तोहफा
8
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: मुंबई के करीब इगतपुरी में पुलिस ने एक आलीशान विला में चल रही रेव पार्टी में छापा मारकर 13 लोगों को गिरफ्तार किया है. आरोप है कि इस अश्लील पार्टी में कई बाबुओं और पुलिस वालों के भी बच्चे शामिल थे.   रविवार देर रात इगतपुरी के मिस्टिक विला में स्थित एक बंगले से तेज म्यूज़िक की आवाज पड़ोसियों ने सुनी. उन्होंने इसकी शिकायत पुलिस से की. पुलिस ने जांच के लिए जब बंगले पर छापा मारा तो वहां अफरातफरी मच गई. पुलिस का कहना है कि छापे के दौरान उसे नशे में धुत लोग अश्लील पार्टी मनाते हुए मिले. सूत्रों का कहना है कि पार्टी के लिए मुंबई से लड़कियों को बुलाया गया था. इसके लिए पैसों को भुगतान ऑनलाइन हुआ था. जब पुलिस विला में मौजूद सारे लोगों को थाने ले गई तो उन्हें छोड़ने के लिए रसूखदार लोगों के फोन आने लगे.       सारे आरोपियों को इगतपुरी पुलिस स्टेशन ले जाया गया, जहां कोर्ट में पेशी के बाद उन्हें जमानत दे दी गई. मौका-ए-वारदात से पुलिस को शराब की बोतलें और कई गाड़ियां भी मिली हैं. एक गाड़ी पर पीली बत्ती भी लगी थीं. सूत्रों का कहना है कि पार्टी के लिए मुंबई से लड़कियों को बुलाया गया था. इसके लिए पैसों को भुगतान ऑनलाइन हुआ था. जब पुलिस विला में मौजूद सारे लोगों को थाने ले गई तो उन्हें छोड़ने के लिए रसूखदार लोगों के फोन आने लगे.       सारे आरोपियों को इगतपुरी पुलिस स्टेशन ले जाया गया, जहां कोर्ट में पेशी के बाद उन्हें जमानत दे दी गई. मौका-ए-वारदात से पुलिस को शराब की बोतलें और कई गाड़ियां भी मिली हैं. एक गाड़ी पर पीली बत्ती भी लगी थीं.
सारांश: मुंबई के पास इगतपुरी में एक आलीशान विला में चल रही थी रेव पार्टी अश्लील पार्टी में बाबुओं और पुलिस वालों के बच्चे भी शामिल पार्टी के लिए मुंबई से लड़कियों को बुलाया गया था
20
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: सलामी बल्लेबाज तिलकरत्ने दिलशान के 13वें एकदिवसीय शतक के बाद तिषारा परेरा की तूफानी गेंदबाजी की बदौलत श्रीलंका ने दूसरे वनडे में पाकिस्तान को 76 रन से हराकर पांच मैचों की सीरीज 1-1 से बराबर कर दी। श्रीलंका के पूर्व कप्तान दिलशान ने 139 गेंद में 11 चौकों और एक छक्के की मदद से 119 रन की पारी खेली जिससे टीम चार विकेट पर 280 रन का मजबूत स्कोर खड़ा करने के सफल रही। इस साल यह दिलशान का तीसरा वनडे शतक है। कप्तान महेला जयवर्धने ने भी 53 रन की पारी खेली। श्रीलंका के 281 रन के मुश्किल लक्ष्य का पीछा करते हुए पाकिस्तान की टीम परेरा के 44 रन पर छह विकेट के करियर की सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी के सामने 46.2 ओवर में 204 रन पर ही ढेर हो गई। पाकिस्तान की ओर से अजहर अली ने सर्वाधिक 96 रन बनाए लेकिन उनके अलावा कोई भी अन्य बल्लेबाज परेरा की तूफानी गेंदबाजी के सामने काफी देर टिककर नहीं खेल पाया। इससे पहले, दिलशान ने पहले विकेट के लिए उपुल थरंगा 18 के साथ 37 रन जोड़े। सोहेल तनवीर ने थरंगा को विकेट के पीछे कैच कराया।
यहाँ एक सारांश है:सलामी बल्लेबाज तिलकरत्ने दिलशान के 13वें एकदिवसीय शतक के बाद तिषारा परेरा की तूफानी गेंदबाजी की बदौलत श्रीलंका ने दूसरे वनडे में पाकिस्तान को 76 रन से हराकर पांच मैचों की सीरीज 1-1 से बराबर कर दी।
17
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: देश के कुछ भाग में शनिवार को दो बार भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। गुजरात के कच्छ इलाके में सुबह के समय लोगों ने भूकंप के झटके महसूस किए। रिक्टर स्केल पर 4.1 तीव्रता वाले इस भूकंप का केंद्र वामना गांव था।टिप्पणियां इसके अलावा मुंबई, पुणे और कोंकण में भी भूकंप के हल्के झटके लगे हैं। महाराष्ट्र में मुंबई सहित बड़े इलाके में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। करीब 11 बजकर 10 मिनट पर ये झटके महसूस किए गए। 10 मिनट के अंदर दो झटके महसूस किए गए। रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 4.5 मापीं गई। महाराष्ट्र के रत्नागिरी और सतारा शहर में भी भूकंप के हलके झटके महसूस किए गए। महाराष्ट्र में भूकंप के झटकों के बाद अमिताभ बच्चन ने भी ट्विटर पर प्रतिक्रिया दी। अमिताभ ने ट्विटर पर लिखा कि मुंबई में आए झटकों को उन्होंने महसूस किया। उनके मुताबिक कुछ सेकेंड के लिए उन्होंने दो बार इन झटकों को महसूस किया। हालांकि अभी तक जानमाल की नुकसान की कोई खबर नहीं है। इसके अलावा मुंबई, पुणे और कोंकण में भी भूकंप के हल्के झटके लगे हैं। महाराष्ट्र में मुंबई सहित बड़े इलाके में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। करीब 11 बजकर 10 मिनट पर ये झटके महसूस किए गए। 10 मिनट के अंदर दो झटके महसूस किए गए। रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 4.5 मापीं गई। महाराष्ट्र के रत्नागिरी और सतारा शहर में भी भूकंप के हलके झटके महसूस किए गए। महाराष्ट्र में भूकंप के झटकों के बाद अमिताभ बच्चन ने भी ट्विटर पर प्रतिक्रिया दी। अमिताभ ने ट्विटर पर लिखा कि मुंबई में आए झटकों को उन्होंने महसूस किया। उनके मुताबिक कुछ सेकेंड के लिए उन्होंने दो बार इन झटकों को महसूस किया। हालांकि अभी तक जानमाल की नुकसान की कोई खबर नहीं है। महाराष्ट्र के रत्नागिरी और सतारा शहर में भी भूकंप के हलके झटके महसूस किए गए। महाराष्ट्र में भूकंप के झटकों के बाद अमिताभ बच्चन ने भी ट्विटर पर प्रतिक्रिया दी। अमिताभ ने ट्विटर पर लिखा कि मुंबई में आए झटकों को उन्होंने महसूस किया। उनके मुताबिक कुछ सेकेंड के लिए उन्होंने दो बार इन झटकों को महसूस किया। हालांकि अभी तक जानमाल की नुकसान की कोई खबर नहीं है।
यह एक सारांश है: देश के कुछ भाग में शनिवार को दो बार भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। गुजरात के कच्छ इलाके में सुबह के समय लोगों ने भूकंप के झटके महसूस किए। रिक्टर स्केल पर 4.1 तीव्रता वाले इस भूकंप का केंद्र वामना गांव था।
24
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: बरूंडी में बदूंकधारियों द्वारा एक बार में किए गए हमले में 20 से अधिक लोगों की मौत हो गई और 20 अन्य घायल हो गए। यह जानकारी एक क्षेत्रीय अधिकारी ने दी है। बीती रात घटी इस घटना के बारे में क्षेत्र के प्रशासक वियाने मुताबाजी ने कहा, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया कि कितने लोगों की मौत हुई है। लेकिन प्रथम रिपोर्ट के मुताबिक 24 से 30 लोग मारे गए हैं और करीब 20 लोग घायल है। इनमें से कुछ की हालत गंभीर है। हमलावरों ने राजधानी बुजुमबुरा से करीब 13 किलोमीटर दूर गटुम्बा क्षेत्र में हमला किया है। यह क्षेत्र पहले विद्रोही नेशनल लिब्रेशन फोर्सेज (एफएनएल) का गढ़ था। हाल में हुए कई हमलों के लिए इसके नेता अगाथोन रवासा को जिम्मेवार बताया गया है। मुताबाजी ने कहा कि करीब 16 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई और कई लोगों ने अस्पताल ले जाने के क्रम में दम तोड दिया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि यह हमला करीब 20 मिनट तक चलता रहा। पहचान न बताने के शर्त पर एक घायल व्यक्ति ने कहा, हमला करने वाले डकैत मात्र नहीं हैं। वे लड़ाका, विद्रोही हैं। मैं ऐसा पूरे विश्वास के साथ कह सकता हूं, क्योकि मैंने उन्हें देखा है। एक प्रत्यक्षदर्शी ने कहा, चेज लेस अमीस बार में घुसने वाले दर्जनों लोगों में से कुछ सेना की पोशाक पहने हुए थे और राइफल तथा ग्रेनेड से लैस थे। उनलोगों ने प्रत्येक व्यक्ति को लेट जाने के लिए कहा और उसके बाद गोली मारना शुरू कर दिया।
बरूंडी में बदूंकधारियों द्वारा एक बार में किए गए हमले में 20 से अधिक लोगों की मौत हो गई और 20 अन्य घायल हो गए। यह जानकारी एक क्षेत्रीय अधिकारी ने दी है।
28
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: रामलीला मैदान में मौजूद लोगों की संख्या कितनी थी। रामदेव एक लाख से ऊपर बता रहे हैं। एनडीटीवी इंडिया ने अपने तौर पर पड़ताल की कोशिश की। खुफिया विभाग की रिपोर्ट के अनुसार जिस रात कार्रवाई हुई वहां 15 से 17 हज़ार लोग ही मौजूद थे। चार जून वक्त शाम के सात बजे रामलीला मैदान में बाबा रामदेव लोगों को लड़ाई के लिए तैयार कर रहे थे। एनडीटीवी इंडिया को खुफिया विभाग से खास जानकारी हाथ लगी है। खुफिया विभाग पल पल की जानकारी जुटा रहा था और वायरलेस और एसएमस के जरिए खबर भेज रहा था। रिपोर्ट के मुताबिक 3 जून को शिविर में 7 से 8 हजार लोग थे। 4 जून की सुबह 8 से 10 के बीच 48 हजार लोग हो गए। शाम चार बजे तक 50 हजार लोग जमा हुए, लेकिन रात दस बजे स्वामी ने दिल्ली और एनसीआर के लोगों को वापस भेज दिया। रात को शिविर में थे 15 से 17 हजार लोग मौजूद थे। बस ये ही वक्त था जब दिल्ली पुलिस अचानक हरकत में आई। रात 1130 बजे खुफिया विभाग ने खबर दी कि स्वामी रामदेव और उनके लोग सो गए। पहले सादे कपड़ों में रेकी हुई और फिर शुरू हो गया एक्शन। खुफिया विभाग की वो चिटठी भी एनडीटीवी इंडिया के पास है जिसमें एक जून को पुलिस हेडक्वार्टर और मंत्रालय को आदेश दिया गया था जिसमें अनशन से जुडी एक से एक जानकारी थी लेकिन पुलिस तो वक्त का इंतजार था।
सारांश: बस ये ही वक्त था जब दिल्ली पुलिस अचानक हरकत में आई। रात 1130 बजे खुफिया विभाग ने खबर दी कि स्वामी रामदेव और उनके लोग सो गए।
33
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: अन्ना के अनशन के मार्ग में एक और रोड़ा अटक गया है। मुंबई के आजाद मैदान के स्पोर्ट्स ग्राउंड में उन्हें अनशन की इजाजत नहीं मिली है। खेल विभाग ने कानून का हवाला देकर कहा है कि यह जगह सिर्फ धार्मिक आयोजन और महापुरुषों की जयंती के लिए दी जाती है। टीम अन्ना सिर्फ प्रदर्शन के लिए तय जगह का इस्तेमाल कर सकती है और तय जगह पर सिर्फ तीन हजार लोग ही समा सकते हैं। उधर, रालेगण सिद्धि में शुक्रवार सुबह अन्ना हजारे ने फिर कहा कि सरकारी लोकपाल के खिलाफ आंदोलन चलता रहेगा। उन्होंने कहा कि अभी उनके अनशन की जगह तय नहीं है। अगर सरकार ने कोई जगह नहीं दी तो वह फिर जेल जाने को तैयार हैं। अन्ना हजारे ने लालू यादव के गुरुवार के तानों का जवाब देते हुए उन्हें उनके घोटाले की याद दिलाई और कहा कि जनता को मालूम है कि बबूल कौन है आम कौन? दरअसल लालू यादव ने लोकसभा में कहा था कि सरकार ने बबूल बोए हैं तो उसे आम कैसे मिलेंगे?
यहाँ एक सारांश है:अन्ना ने कहा है कि अभी उनके अनशन की जगह तय नहीं है। अगर सरकार ने कोई जगह नहीं दी तो वह फिर जेल जाने को तैयार हैं।
4
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: बिहार के जहानाबाद में 10 साल के एक बच्चे की बहादुरी का किस्सा आजकल सबकी जुबान पर है. विपिन नाम के इस बच्चे ने अपनी जान की बाजी लगाकर नदी में डूब रही चार लड़कियों को बचा लिया.टिप्पणियां ये घटना जहानाबाद ज़िले के शकुराबाद थाना क्षेत्र के गोपालपुर गांव की है. गांव के पास की नदी में नहाने गई छह लड़कियां तेज पानी में अचानक डूबने लगीं तो वहीं खड़े इस लड़के ने नदी में छलांग लगा दी और चार लड़कियों को एक-एक कर बचा लिया. हालांकि दो अन्य लड़कियां नदी की तेज धार में बह गईं, जिससे उनकी मौत हो गई. इलाके के एसडीएम ने विपिन की बहादुरी के लिए उसे सम्मानित करने की बात कही है. ये घटना जहानाबाद ज़िले के शकुराबाद थाना क्षेत्र के गोपालपुर गांव की है. गांव के पास की नदी में नहाने गई छह लड़कियां तेज पानी में अचानक डूबने लगीं तो वहीं खड़े इस लड़के ने नदी में छलांग लगा दी और चार लड़कियों को एक-एक कर बचा लिया. हालांकि दो अन्य लड़कियां नदी की तेज धार में बह गईं, जिससे उनकी मौत हो गई. इलाके के एसडीएम ने विपिन की बहादुरी के लिए उसे सम्मानित करने की बात कही है. हालांकि दो अन्य लड़कियां नदी की तेज धार में बह गईं, जिससे उनकी मौत हो गई. इलाके के एसडीएम ने विपिन की बहादुरी के लिए उसे सम्मानित करने की बात कही है.
यहाँ एक सारांश है:विपिन नाम के इस बच्चे ने अपनी जान की बाजी लगाई घटना जहानाबाद ज़िले के शकुराबाद थाना क्षेत्र के गोपालपुर गांव की है चार लड़कियों को एक-एक कर बचा लिया
4
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: स्पेन निर्मित टैल्गो ट्रेन ने शनिवार को तकनीकी गड़बड़ी के कारण मुंबई की अपनी यात्रा निर्धारित समय से 17 मिनट की देरी से पूरी की. नौ कोच के साथ शुक्रवार को नई दिल्ली स्टेशन से दोपहर 2.47 बजे निकली टैल्गो ट्रेन 130 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से शनिवार को तड़के 3.40 बजे मुंबई पहुंची. रेल मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि गंतव्य तक पहुंचने में इसने निर्धारित 12 घंटे 36 मिनट की तुलना में 12 घंटे 53 मिनट का समय लिया. उन्होंने कहा कि भारी बारिश के अलावा मुंबई परीक्षण सफर के दौरान कुछ सिग्नल में दिक्कत हुई, जिससे ट्रेन 17 मिनट की देरी से पहुंची. दिल्ली-मुंबई खंड पर दो बार और परीक्षण होगा.टिप्पणियां टैल्गो के नौ अगस्त को 140 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से चलने की उम्मीद है. इसके बाद परीक्षण 14 अगस्त को होगा. टैल्गो का लक्ष्य दिल्ली-मुंबई के बीच यात्रा समय में चार घंटे की कमी लाना है. फिलहाल सुपरफास्ट राजधानी एक्सप्रेस नई दिल्ली और मुंबई के बीच 1384 किलोमीटर की दूरी करीब 16 घंटे में पूरी करती है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) नौ कोच के साथ शुक्रवार को नई दिल्ली स्टेशन से दोपहर 2.47 बजे निकली टैल्गो ट्रेन 130 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से शनिवार को तड़के 3.40 बजे मुंबई पहुंची. रेल मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि गंतव्य तक पहुंचने में इसने निर्धारित 12 घंटे 36 मिनट की तुलना में 12 घंटे 53 मिनट का समय लिया. उन्होंने कहा कि भारी बारिश के अलावा मुंबई परीक्षण सफर के दौरान कुछ सिग्नल में दिक्कत हुई, जिससे ट्रेन 17 मिनट की देरी से पहुंची. दिल्ली-मुंबई खंड पर दो बार और परीक्षण होगा.टिप्पणियां टैल्गो के नौ अगस्त को 140 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से चलने की उम्मीद है. इसके बाद परीक्षण 14 अगस्त को होगा. टैल्गो का लक्ष्य दिल्ली-मुंबई के बीच यात्रा समय में चार घंटे की कमी लाना है. फिलहाल सुपरफास्ट राजधानी एक्सप्रेस नई दिल्ली और मुंबई के बीच 1384 किलोमीटर की दूरी करीब 16 घंटे में पूरी करती है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) रेल मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि गंतव्य तक पहुंचने में इसने निर्धारित 12 घंटे 36 मिनट की तुलना में 12 घंटे 53 मिनट का समय लिया. उन्होंने कहा कि भारी बारिश के अलावा मुंबई परीक्षण सफर के दौरान कुछ सिग्नल में दिक्कत हुई, जिससे ट्रेन 17 मिनट की देरी से पहुंची. दिल्ली-मुंबई खंड पर दो बार और परीक्षण होगा.टिप्पणियां टैल्गो के नौ अगस्त को 140 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से चलने की उम्मीद है. इसके बाद परीक्षण 14 अगस्त को होगा. टैल्गो का लक्ष्य दिल्ली-मुंबई के बीच यात्रा समय में चार घंटे की कमी लाना है. फिलहाल सुपरफास्ट राजधानी एक्सप्रेस नई दिल्ली और मुंबई के बीच 1384 किलोमीटर की दूरी करीब 16 घंटे में पूरी करती है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) उन्होंने कहा कि भारी बारिश के अलावा मुंबई परीक्षण सफर के दौरान कुछ सिग्नल में दिक्कत हुई, जिससे ट्रेन 17 मिनट की देरी से पहुंची. दिल्ली-मुंबई खंड पर दो बार और परीक्षण होगा.टिप्पणियां टैल्गो के नौ अगस्त को 140 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से चलने की उम्मीद है. इसके बाद परीक्षण 14 अगस्त को होगा. टैल्गो का लक्ष्य दिल्ली-मुंबई के बीच यात्रा समय में चार घंटे की कमी लाना है. फिलहाल सुपरफास्ट राजधानी एक्सप्रेस नई दिल्ली और मुंबई के बीच 1384 किलोमीटर की दूरी करीब 16 घंटे में पूरी करती है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) टैल्गो के नौ अगस्त को 140 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से चलने की उम्मीद है. इसके बाद परीक्षण 14 अगस्त को होगा. टैल्गो का लक्ष्य दिल्ली-मुंबई के बीच यात्रा समय में चार घंटे की कमी लाना है. फिलहाल सुपरफास्ट राजधानी एक्सप्रेस नई दिल्ली और मुंबई के बीच 1384 किलोमीटर की दूरी करीब 16 घंटे में पूरी करती है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
राजधानी एक्सप्रेस दिल्ली से मुंबई की दूरी करीब 16 घंटे में पूरी करती है टैल्गो ने 12 घंटे 36 मिनट की तुलना में 12 घंटे 53 मिनट का समय लिया 130 किमी/घंटे की रफ्तार से शनिवार को तड़के 3.40 बजे मुंबई पहुंची
6
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: महीनों की कश्मकश के बाद प्रधानमंत्री ने अपनी कैबिनेट में फेरबदल की जिसमे तीन नए चेहरे शामिल किए गए, चार को तरक्की दी गई और कुल 32 विभागों में फेरबदल किया गया। लेकिन, फिर भी प्रधानमंत्री ने कहा कि बजट के बाद एक और फेरबदल किया जा सकता है जिससे इसे सेमीफाइनल कहा जा रहा है। मई, 2009 में दूसरी बार प्रधानमंत्री पद संभालने के बाद पहली बार अपने मंत्रिमंडल का विस्तार और फेरबदल करते हुए डॉ. मनमोहन सिंह ने तीन मंत्रियों को प्रमोशन दिया जबकि तीन को स्वतंत्र प्रभार के साथ राज्यमंत्री बना दिया गया है। प्रमोशन पाने वालों में एनसीपी के प्रफुल्ल पटेल शामिल हैं, जिन्हें नागरिक उड्डयन मंत्रालय से हटाकर कैबिनेट मंत्री के रूप में भारी उद्योग मंत्रालय सौंपा गया है, जबकि श्रीप्रकाश जायसवाल को कोयला विभाग में कैबिनेट मंत्री का दर्जा दिया है। इनके अतिरिक्त सलमान खुर्शीद को जल संसाधन मंत्रालय की बागडोर सौंपते हुए बेनी प्रसाद वर्मा को इस्पात राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) तथा अजय माकन को खेल राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) बनाया गया है। अश्विनी कुमार को भी स्वतंत्र प्रभार के साथ योजना, संसदीय कार्य, विज्ञान और तकनीकी राज्यमंत्री बनाया गया है। केसी वेणुगोपाल ऊर्जा राज्यमंत्री होंगे। अब तक प्रवासी भारतीय मामलों के मंत्री रहे वायलार रवि को प्रफुल्ल पटेल की जगह नागरिक उड्डयन मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। सीपी जोशी को ग्रामीण विकास तथा पंचायती राज मंत्रालय से हटाकर सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय का प्रभार दिया गया है। कुमारी शैलजा से पर्यटन मंत्रालय वापस ले लिया गया है और अब वह संस्कृति मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार देखेंगी और आवासीय व शहरी गरीबी उन्मूलन मंत्री बनी रहेंगी। केवी थॉमस को उपभोक्ता मामलों, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्रालय में राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) बनाया गया है। दिनशा पटेल को खनन मंत्रालय में राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) का दर्जा दिया गया है। ई अहमद को रेलवे से विदेश मंत्रालय में भेजा गया है, जबकि हरीश रावत को श्रम मंत्रालय से कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय का राज्यमंत्री बनाया गया है। सुबोध कांत सहाय को खाद्य प्रसंस्करण उद्योग से पर्यटन मंत्रालय भेजा गया है। पवन कुमार बंसल संसदीय कार्य मंत्री बने रहेंगे, लेकिन जल संसाधन मंत्रालय का काम उनकी जगह सलमान खुर्शीद देखेंगे। वी नारायणसामी को प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्यमंत्री बनाया गया है। साथ ही उन्हें कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन विभाग दिया गया है। संसदीय कार्य राज्य मंत्री की जिम्मेदारी भी उनके पास बनी रहेगी। सांख्यिकी और कार्यक्रम क्रियान्वयन विभाग अब उनके पास नहीं रहेगा।
संक्षिप्त सारांश: प्रधानमंत्री ने कहा कि बजट के बाद एक और फेरबदल किया जा सकता है जिससे इसे सेमीफाइनल कहा जा रहा है।
29
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: मुम्बई और तटीय महाराष्ट्र में लगातार दूसरे दिन सोमवार को हो रही भारी बारिश की वजह से इलाके में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। बृहनमुम्बई महानगर पालिका की आपदा नियंत्रण इकाई के अधिकारियों ने बताया कि सोमवार को मुम्बई एवं इसके उपनगरीय इलाके में पानी जम जाने और कुछ इलाकों में बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो जाने से लोगों एवं वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई है। मलाड, अंधेरी, वर्सोवा, दादर, परेल, चेम्बुर, पूर्वी उपनगर के प्रमुख एलबीएस मार्ग के विभिन्न हिस्से और मरोल-साकी नाका इलाके में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई है। मलाड और अंधेरी के दो भूमिगत मार्गो में तीन फुट पानी जम जाने से यह बाढ़ग्रस्त हो गया है जिससे पूरब से पश्चिम की तरफ यातायात बाधित हो गया है। लोकल ट्रेन्स निर्धारित समय से देरी से चल रही हैं। मध्य रेलवे की गाड़ियां 20 मिनट की देरी, पश्चिमी रेलवे की 15 मिनट और हार्बर लाइन की गाड़ियां 30 मिनट की देरी से चल रही हैं। इस देरी से सुबह-सुबह यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। रविवार सुबह 5.30 बजे से सोमवार सुबह 5.30 बजे तक दक्षिणी मुम्बई में 9.04 सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई है जबकि उपनगरीय इलाकों में इस दौरान 18.01 सेंटीमीटर बारिश हुई है। मौसम विभाग ने मुम्बई सहित तटीय इलाके के कई हिस्सों में सोमवार और मंगलवार को तेज हवाओं के साथ अत्यधिक भारी बारिश होने की सम्भावना व्यक्त की है और मछुआरों को अरब सागर न जाने की सलाह दी है। शनिवार रात से हो रही मूसलाधार बारिश से ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, जोगेश्वरी-विक्रोली लिंक रोड और महत्वपूर्ण सड़कों पर गाड़ियां रेंग रही हैं।टिप्पणियां मुम्बईवासियों ने सप्ताहांत का मजा जहां दावत और पिकनिक के साथ लिया वहीं सोमवार को हो रही भारी बारिश से उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है, यहां गर्मी की छुट्टियों के बाद सोमवार को स्कूल खुल गए हैं। मानसून राज्य के अन्य इलाकों में भी प्रवेश कर गया है, जिससे पानी की कमी और गर्म हवाओं से लोगों को राहत मिली है। अब तक, इस मानसून में 11 लोगों की मौत हो चुकी है। बृहनमुम्बई महानगर पालिका की आपदा नियंत्रण इकाई के अधिकारियों ने बताया कि सोमवार को मुम्बई एवं इसके उपनगरीय इलाके में पानी जम जाने और कुछ इलाकों में बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो जाने से लोगों एवं वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई है। मलाड, अंधेरी, वर्सोवा, दादर, परेल, चेम्बुर, पूर्वी उपनगर के प्रमुख एलबीएस मार्ग के विभिन्न हिस्से और मरोल-साकी नाका इलाके में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई है। मलाड और अंधेरी के दो भूमिगत मार्गो में तीन फुट पानी जम जाने से यह बाढ़ग्रस्त हो गया है जिससे पूरब से पश्चिम की तरफ यातायात बाधित हो गया है। लोकल ट्रेन्स निर्धारित समय से देरी से चल रही हैं। मध्य रेलवे की गाड़ियां 20 मिनट की देरी, पश्चिमी रेलवे की 15 मिनट और हार्बर लाइन की गाड़ियां 30 मिनट की देरी से चल रही हैं। इस देरी से सुबह-सुबह यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। रविवार सुबह 5.30 बजे से सोमवार सुबह 5.30 बजे तक दक्षिणी मुम्बई में 9.04 सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई है जबकि उपनगरीय इलाकों में इस दौरान 18.01 सेंटीमीटर बारिश हुई है। मौसम विभाग ने मुम्बई सहित तटीय इलाके के कई हिस्सों में सोमवार और मंगलवार को तेज हवाओं के साथ अत्यधिक भारी बारिश होने की सम्भावना व्यक्त की है और मछुआरों को अरब सागर न जाने की सलाह दी है। शनिवार रात से हो रही मूसलाधार बारिश से ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, जोगेश्वरी-विक्रोली लिंक रोड और महत्वपूर्ण सड़कों पर गाड़ियां रेंग रही हैं।टिप्पणियां मुम्बईवासियों ने सप्ताहांत का मजा जहां दावत और पिकनिक के साथ लिया वहीं सोमवार को हो रही भारी बारिश से उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है, यहां गर्मी की छुट्टियों के बाद सोमवार को स्कूल खुल गए हैं। मानसून राज्य के अन्य इलाकों में भी प्रवेश कर गया है, जिससे पानी की कमी और गर्म हवाओं से लोगों को राहत मिली है। अब तक, इस मानसून में 11 लोगों की मौत हो चुकी है। मलाड, अंधेरी, वर्सोवा, दादर, परेल, चेम्बुर, पूर्वी उपनगर के प्रमुख एलबीएस मार्ग के विभिन्न हिस्से और मरोल-साकी नाका इलाके में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई है। मलाड और अंधेरी के दो भूमिगत मार्गो में तीन फुट पानी जम जाने से यह बाढ़ग्रस्त हो गया है जिससे पूरब से पश्चिम की तरफ यातायात बाधित हो गया है। लोकल ट्रेन्स निर्धारित समय से देरी से चल रही हैं। मध्य रेलवे की गाड़ियां 20 मिनट की देरी, पश्चिमी रेलवे की 15 मिनट और हार्बर लाइन की गाड़ियां 30 मिनट की देरी से चल रही हैं। इस देरी से सुबह-सुबह यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। रविवार सुबह 5.30 बजे से सोमवार सुबह 5.30 बजे तक दक्षिणी मुम्बई में 9.04 सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई है जबकि उपनगरीय इलाकों में इस दौरान 18.01 सेंटीमीटर बारिश हुई है। मौसम विभाग ने मुम्बई सहित तटीय इलाके के कई हिस्सों में सोमवार और मंगलवार को तेज हवाओं के साथ अत्यधिक भारी बारिश होने की सम्भावना व्यक्त की है और मछुआरों को अरब सागर न जाने की सलाह दी है। शनिवार रात से हो रही मूसलाधार बारिश से ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, जोगेश्वरी-विक्रोली लिंक रोड और महत्वपूर्ण सड़कों पर गाड़ियां रेंग रही हैं।टिप्पणियां मुम्बईवासियों ने सप्ताहांत का मजा जहां दावत और पिकनिक के साथ लिया वहीं सोमवार को हो रही भारी बारिश से उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है, यहां गर्मी की छुट्टियों के बाद सोमवार को स्कूल खुल गए हैं। मानसून राज्य के अन्य इलाकों में भी प्रवेश कर गया है, जिससे पानी की कमी और गर्म हवाओं से लोगों को राहत मिली है। अब तक, इस मानसून में 11 लोगों की मौत हो चुकी है। मलाड और अंधेरी के दो भूमिगत मार्गो में तीन फुट पानी जम जाने से यह बाढ़ग्रस्त हो गया है जिससे पूरब से पश्चिम की तरफ यातायात बाधित हो गया है। लोकल ट्रेन्स निर्धारित समय से देरी से चल रही हैं। मध्य रेलवे की गाड़ियां 20 मिनट की देरी, पश्चिमी रेलवे की 15 मिनट और हार्बर लाइन की गाड़ियां 30 मिनट की देरी से चल रही हैं। इस देरी से सुबह-सुबह यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। रविवार सुबह 5.30 बजे से सोमवार सुबह 5.30 बजे तक दक्षिणी मुम्बई में 9.04 सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई है जबकि उपनगरीय इलाकों में इस दौरान 18.01 सेंटीमीटर बारिश हुई है। मौसम विभाग ने मुम्बई सहित तटीय इलाके के कई हिस्सों में सोमवार और मंगलवार को तेज हवाओं के साथ अत्यधिक भारी बारिश होने की सम्भावना व्यक्त की है और मछुआरों को अरब सागर न जाने की सलाह दी है। शनिवार रात से हो रही मूसलाधार बारिश से ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, जोगेश्वरी-विक्रोली लिंक रोड और महत्वपूर्ण सड़कों पर गाड़ियां रेंग रही हैं।टिप्पणियां मुम्बईवासियों ने सप्ताहांत का मजा जहां दावत और पिकनिक के साथ लिया वहीं सोमवार को हो रही भारी बारिश से उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है, यहां गर्मी की छुट्टियों के बाद सोमवार को स्कूल खुल गए हैं। मानसून राज्य के अन्य इलाकों में भी प्रवेश कर गया है, जिससे पानी की कमी और गर्म हवाओं से लोगों को राहत मिली है। अब तक, इस मानसून में 11 लोगों की मौत हो चुकी है। लोकल ट्रेन्स निर्धारित समय से देरी से चल रही हैं। मध्य रेलवे की गाड़ियां 20 मिनट की देरी, पश्चिमी रेलवे की 15 मिनट और हार्बर लाइन की गाड़ियां 30 मिनट की देरी से चल रही हैं। इस देरी से सुबह-सुबह यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। रविवार सुबह 5.30 बजे से सोमवार सुबह 5.30 बजे तक दक्षिणी मुम्बई में 9.04 सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई है जबकि उपनगरीय इलाकों में इस दौरान 18.01 सेंटीमीटर बारिश हुई है। मौसम विभाग ने मुम्बई सहित तटीय इलाके के कई हिस्सों में सोमवार और मंगलवार को तेज हवाओं के साथ अत्यधिक भारी बारिश होने की सम्भावना व्यक्त की है और मछुआरों को अरब सागर न जाने की सलाह दी है। शनिवार रात से हो रही मूसलाधार बारिश से ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, जोगेश्वरी-विक्रोली लिंक रोड और महत्वपूर्ण सड़कों पर गाड़ियां रेंग रही हैं।टिप्पणियां मुम्बईवासियों ने सप्ताहांत का मजा जहां दावत और पिकनिक के साथ लिया वहीं सोमवार को हो रही भारी बारिश से उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है, यहां गर्मी की छुट्टियों के बाद सोमवार को स्कूल खुल गए हैं। मानसून राज्य के अन्य इलाकों में भी प्रवेश कर गया है, जिससे पानी की कमी और गर्म हवाओं से लोगों को राहत मिली है। अब तक, इस मानसून में 11 लोगों की मौत हो चुकी है। रविवार सुबह 5.30 बजे से सोमवार सुबह 5.30 बजे तक दक्षिणी मुम्बई में 9.04 सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई है जबकि उपनगरीय इलाकों में इस दौरान 18.01 सेंटीमीटर बारिश हुई है। मौसम विभाग ने मुम्बई सहित तटीय इलाके के कई हिस्सों में सोमवार और मंगलवार को तेज हवाओं के साथ अत्यधिक भारी बारिश होने की सम्भावना व्यक्त की है और मछुआरों को अरब सागर न जाने की सलाह दी है। शनिवार रात से हो रही मूसलाधार बारिश से ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, जोगेश्वरी-विक्रोली लिंक रोड और महत्वपूर्ण सड़कों पर गाड़ियां रेंग रही हैं।टिप्पणियां मुम्बईवासियों ने सप्ताहांत का मजा जहां दावत और पिकनिक के साथ लिया वहीं सोमवार को हो रही भारी बारिश से उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है, यहां गर्मी की छुट्टियों के बाद सोमवार को स्कूल खुल गए हैं। मानसून राज्य के अन्य इलाकों में भी प्रवेश कर गया है, जिससे पानी की कमी और गर्म हवाओं से लोगों को राहत मिली है। अब तक, इस मानसून में 11 लोगों की मौत हो चुकी है। मौसम विभाग ने मुम्बई सहित तटीय इलाके के कई हिस्सों में सोमवार और मंगलवार को तेज हवाओं के साथ अत्यधिक भारी बारिश होने की सम्भावना व्यक्त की है और मछुआरों को अरब सागर न जाने की सलाह दी है। शनिवार रात से हो रही मूसलाधार बारिश से ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, जोगेश्वरी-विक्रोली लिंक रोड और महत्वपूर्ण सड़कों पर गाड़ियां रेंग रही हैं।टिप्पणियां मुम्बईवासियों ने सप्ताहांत का मजा जहां दावत और पिकनिक के साथ लिया वहीं सोमवार को हो रही भारी बारिश से उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है, यहां गर्मी की छुट्टियों के बाद सोमवार को स्कूल खुल गए हैं। मानसून राज्य के अन्य इलाकों में भी प्रवेश कर गया है, जिससे पानी की कमी और गर्म हवाओं से लोगों को राहत मिली है। अब तक, इस मानसून में 11 लोगों की मौत हो चुकी है। शनिवार रात से हो रही मूसलाधार बारिश से ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, जोगेश्वरी-विक्रोली लिंक रोड और महत्वपूर्ण सड़कों पर गाड़ियां रेंग रही हैं।टिप्पणियां मुम्बईवासियों ने सप्ताहांत का मजा जहां दावत और पिकनिक के साथ लिया वहीं सोमवार को हो रही भारी बारिश से उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है, यहां गर्मी की छुट्टियों के बाद सोमवार को स्कूल खुल गए हैं। मानसून राज्य के अन्य इलाकों में भी प्रवेश कर गया है, जिससे पानी की कमी और गर्म हवाओं से लोगों को राहत मिली है। अब तक, इस मानसून में 11 लोगों की मौत हो चुकी है। मुम्बईवासियों ने सप्ताहांत का मजा जहां दावत और पिकनिक के साथ लिया वहीं सोमवार को हो रही भारी बारिश से उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है, यहां गर्मी की छुट्टियों के बाद सोमवार को स्कूल खुल गए हैं। मानसून राज्य के अन्य इलाकों में भी प्रवेश कर गया है, जिससे पानी की कमी और गर्म हवाओं से लोगों को राहत मिली है। अब तक, इस मानसून में 11 लोगों की मौत हो चुकी है। मानसून राज्य के अन्य इलाकों में भी प्रवेश कर गया है, जिससे पानी की कमी और गर्म हवाओं से लोगों को राहत मिली है। अब तक, इस मानसून में 11 लोगों की मौत हो चुकी है।
सारांश: मुम्बई और तटीय महाराष्ट्र में लगातार दूसरे दिन सोमवार को हो रही भारी बारिश की वजह से इलाके में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।
7
['hin']
एक सारांश बनाओ: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए कहा, 'महंगाई की दर 4 फीसदी नीचे है. मुद्रास्फीति नियंत्रण में है. आज, हम कर-संबंधी सुधार उपायों, निर्यात और घर-खरीदारों पर विचार करेंगे.' सीतारमण का कहना है कि अर्थव्यवस्था के पुनरुद्धार का स्पष्ट संकेत है. सीतारमण ने कहा, 'हम रिएल एस्टेट के लिए कदम उठाएंगे. हमारा लक्ष्य अर्थव्यवस्था को बेहतर बनाना है. बैंकिंग क्षेत्र में असर दिख रहा है. 19 को बैंक अधिकारियों की बैठक है. हम निर्यात बढ़ाने के लिए कदम उठाएंगे.'  सीतारमण ने कहा, 'बैंकों से ऋण के प्रवाह में वृद्धि और सुधार हुआ है. सभी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों (PSB) के प्रमुखों से क्रेडिट फ्लो सिस्टम पर मुलाकात करेंगे.' सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने कहा कि सीपीआई कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स कंट्रोल में है और महंगाई दर कम है. IP नंबर्स भी बेहतर हैं. फिस्कल डेफिसिट 2018-19 3.4 फीसदी पर है. पार्शियल क्रेडिट गारंटी स्कीम इम्पलीमेंट हो चुकी है. बैंकों ने अब रेपो रेट से ईएमआई लिंक करनी शुरू कर दी है. 19 सितंबर को बैंकों के चीफ के साथ बैठक है जिसमें इसको लेकर रिपोर्ट मांगी जाएगी. सरकार ने यह कदम ऐसे समय उठाया है जब आर्थिक वृद्धि दर की रफ्तार कम होकर छह साल के निचले स्तर पर आ गयी है. सीतारमण ने राजधानी में आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि निर्माण के आखिरी चरण में पहुंच चुकी साफ सुथरी अवासीय परियोजनाओं को पूरा कराने में वित्तीय मदद के लिए 20 हजार करोड़ रुपये का कोष बनाया जाएगा. इसमें करीब 10 हजार करोड़ रुपये सरकार मुहैया कराएगी तथा इतनी ही राशि अन्य स्रोतों से जुटायी जाएगी. इस योजना का लाभ उन्हीं परियोजनाओं को मिलेगा जो एनपीए घोषित नहीं हैं और न ही उनको ऋण समाधान के लिए एनसीएलटी के सुपुर्द किया गया है. इसके साथ ही आवास वित्त कंपनियों के लिए विदेश से वाणिज्यिक ऋण जुटाने के नियमों में ढील देने की भी घोषणा भी की गयी है. वित्त मंत्री ने कहा कि भवन निर्माण के लिये ऋण पर ब्याज दर में कमी की भी व्यवस्था की गयी है. इससे विशेष रूप से सरकारी कर्मचारियों को लाभ होगा जो आवास के सबसे बड़े खरीदार हैं. सीतारमण ने कहा कि अंतिम चरण में धनाभाव के कारण अटकी आवासीय परियोजनाओं के वित्तपोषण के लिए सहायता कोष से करीब 3.5 लाख घर खरीदारों को लाभ मिलेगा. उन्होंने कहा कि दिवाला शोधन की प्रक्रिया में गयी आवास परियोजनाओं के घर खरीदारों को एनसीएलटी से राहत मिलेगी. निर्यात प्रोत्साहन के लिए जनवरी 2020 से एक नयी योजना - निर्यात उत्पादों पर करों एवं शुल्कों से छूट (रोडीटीईपी) अमल में आ जाएगी. यह देश से वाणिज्यिक वस्तुओं के निर्यात संवर्धन की योजना (एमईआईएस) की जगह लेगी. सीतारमण ने कहा कि नयी योजना से निर्यातकों को इतनी राहत मिलेगी जो इस समय लागू सभी योजनाओं को मिला कर भी नहीं मिल पाती है. उन्होंने कहा कि इस योजना से सरकारी राजस्व पर 50 हजार करोड़ रुपये का प्रभाव पड़ने का अनुमान है. उन्होंने कहा कि सरकार मौजूदा योजनाओं के तहत निर्यातकों को 40 से 45 हजार करोड़ रुपये के शुल्कों/करों का रिफंड दे रही है. उन्होंने कहा कि वाणिज्य विभाग के तहत एक अंतर-मंत्रालयी समूह निर्यात क्षेत्र को वित्त पोषण की सक्रिय निगरानी करेगा. इसके अलावा निर्यात ऋण गारंटी निगम (ईसीजीसी) निर्यात ऋण बीमा योजना का दायरा बढ़ाएगा. इस पहल की सालाना लागत 1,700 करोड़ रुपये आएगी. उन्होंने कहा कि निर्यात क्षेत्र के लिए रण सुविधा बढ़ाने के उपायों से विशेषकर लघु एवं मझोले कारोबारों के लिए ब्याज सहित निर्यात ऋण की लागत कम करने में मदद करेगी. उन्होंने कहा कि निर्यातकों के लिए ऋण को प्राथमिकता क्षेत्र के लिए ऋण का दर्जा देने का प्रस्ताव भारतीय रिजर्व बैंक के विचाराधीन है. इससे निर्यातकों को 36,000 करोड़ रुपये से लेकर 68,000 करोड़ रुपये तक का अतिरिक्त वित्त पोषण मिलेगा. इनके अलावा इस महीने के अंत से इनपुट टैक्स क्रेडिट का पूरी तरह से इलेक्ट्रॉनिक रिफंड, प्रौद्योगिकी का इस्तेमाल कर बंदरगाहों और हवाईअड्डों पर माल की अवाजाही में लगने वाले समय को दिसंबर से कम करने तथा मुक्त व्यापार समझौता उपयोग मिशन की भी स्थापना करने का निर्णय लिया गया. इसका उद्श्य है कि भारत के निर्यातक देश की ओर से किए गए प्रत्येक मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) के तहत रियायती प्रशुल्क पर निर्यात करने का पूरा फायदा उठा सकें. इसके अलावा देश में चार स्थानों पर हस्तशिल्प, योग, पर्यटन, कपड़ा और चमड़ा क्षेत्रों के लिए वार्षिक शॉपिंग फेस्टिवल आयोजित किए जाएंगे. उन्होंने कहा कि मुद्रास्फीति नियंत्रण में है और औद्योगिक उत्पादन में सुधार के स्पष्ट संकेत दिख रहे हैं. उन्होंने अर्थव्यवस्था के लिये राहत की तीसरी किस्त की घोषणा करते हुए एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि मुद्रास्फीति चार प्रतिशत के लक्ष्य से अच्छी खासी नीचे है. सरकार ने रिजर्व बैंक को खुदरा मुद्रास्फीति चार प्रतिशत से नीचे रखने का लक्ष्य दिया है. हालांकि खुदरा मुद्रास्फीति अगस्त में कुछ तेज होकर 3.21 प्रतिशत पर पहुंच गयी लेकिन यह अब निर्धारित दायरे में है. सीतारमण ने कहा कि 2018-19 की चौथी तिमाही में औद्योगिक उत्पादन से संबंधित सारी चिंताओं के बाद भी जुलाई 2019 तक हमें सुधार के स्पष्ट संकेत दिखाई देते हैं. उन्होंने कहा कि आंशिक ऋण गारंटी योजना समेत गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (एनबीएफसी) में ऋण का प्रवाह सुधारने के कदमों की घोषणा के परिणाम दिखाई देने लगे हैं. उन्होंने कहा, ‘‘कई एनबीएफसी को फायदा हुआ है.'' सरकार ने इससे पहले वाहन क्षेत्र की मदद, पूंजीगत लाभ कर में कमी और गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनियों के लिए अतिरिक्त नकदी की सहायता जैसे उपायों की घोषणा की थी. आर्थव्यवस्था में निवेश को गति देने के लिए प्रत्यक्ष विदेशी निवेश के नियमों को और अधिक उदार बनाने और सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के आपस में विलय के जरिए बड़े बैंक स्थापित करने के भी फैसले किए गए हैं.
यह एक सारांश है: महंगाई की दर 4 फीसदी नीचे है- निर्मला सीतारमण मुद्रास्फीति नियंत्रण में है- निर्मला सीतारमण अर्थव्यवस्था के पुनरुद्धार का स्पष्ट संकेत है- सीतारमण
21
['hin']