inputs
stringlengths
800
163k
targets
stringlengths
20
291
template_id
int64
0
34
template_lang
stringclasses
1 value
एक सारांश बनाओ: सरकार राजीव गांधी इक्विटी योजना को 15 अगस्त को जारी कर सकती है। इस योजना का उद्देश्य पूंजी बाजार में खुदरा निवेशकों को आकर्षित करना है। वित्त मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि मंत्रालय के आर्थिक मामले विभाग के अधिकारी बाजार नियामक सेबी के अधिकारियों के साथ अगले सप्ताह इस संबंध में मुलाकात करेंगे और योजना को अंतिम रूप देंगे। अधिकारी ने कहा ‘राजीव गांधी इक्विटी योजना के अंतिम खाके को हमने सेबी के पास भेजा है और उम्मीद है कि इसे 15 अगस्त को जारी कर दिया जाएगा। इस मामले में योजना के संचालन को सरल बनाने के लिए सेबी के सुझाव की जरूरत है।’ तत्कालीन वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी ने वर्ष 2012-13 का बजट पेश करते समय इस योजना की घोषणा की थी। योजना के तहत 10 लाख रुपये सालाना से कम आय वाले खुदरा निवेशकों द्वारा 50,000 रुपये तक राशि निवेश करने पर आयकर में 50 प्रतिशत की कटौती दी जाएगी। निवेश पर तीन साल की बंधक अवधि होगी।टिप्पणियां योजना का उद्देश्य पूंजी बाजार में छोटे निवेशकों को आकर्षित करना और बचत एवं निवेश को बढ़ावा देना है। सेबी ने पिछले महीने सरकार से कहा था कि वह इस योजना में म्यूचुवल फंड के जरिये निवेश को प्राथमिकता दे। नए निवेशकों के लिए यह सुरक्षित होगा। खुदरा निवेश इस योजना का लाभ जीवन में केवल एक ही बार उठा सकेंगे। सरकार की तरफ से पूंजी बाजार में निवेशकों को प्रोत्साहित करने के लिए लाई गई यह पहली इक्विटी निवेश योजना है। वित्त मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि मंत्रालय के आर्थिक मामले विभाग के अधिकारी बाजार नियामक सेबी के अधिकारियों के साथ अगले सप्ताह इस संबंध में मुलाकात करेंगे और योजना को अंतिम रूप देंगे। अधिकारी ने कहा ‘राजीव गांधी इक्विटी योजना के अंतिम खाके को हमने सेबी के पास भेजा है और उम्मीद है कि इसे 15 अगस्त को जारी कर दिया जाएगा। इस मामले में योजना के संचालन को सरल बनाने के लिए सेबी के सुझाव की जरूरत है।’ तत्कालीन वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी ने वर्ष 2012-13 का बजट पेश करते समय इस योजना की घोषणा की थी। योजना के तहत 10 लाख रुपये सालाना से कम आय वाले खुदरा निवेशकों द्वारा 50,000 रुपये तक राशि निवेश करने पर आयकर में 50 प्रतिशत की कटौती दी जाएगी। निवेश पर तीन साल की बंधक अवधि होगी।टिप्पणियां योजना का उद्देश्य पूंजी बाजार में छोटे निवेशकों को आकर्षित करना और बचत एवं निवेश को बढ़ावा देना है। सेबी ने पिछले महीने सरकार से कहा था कि वह इस योजना में म्यूचुवल फंड के जरिये निवेश को प्राथमिकता दे। नए निवेशकों के लिए यह सुरक्षित होगा। खुदरा निवेश इस योजना का लाभ जीवन में केवल एक ही बार उठा सकेंगे। सरकार की तरफ से पूंजी बाजार में निवेशकों को प्रोत्साहित करने के लिए लाई गई यह पहली इक्विटी निवेश योजना है। अधिकारी ने कहा ‘राजीव गांधी इक्विटी योजना के अंतिम खाके को हमने सेबी के पास भेजा है और उम्मीद है कि इसे 15 अगस्त को जारी कर दिया जाएगा। इस मामले में योजना के संचालन को सरल बनाने के लिए सेबी के सुझाव की जरूरत है।’ तत्कालीन वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी ने वर्ष 2012-13 का बजट पेश करते समय इस योजना की घोषणा की थी। योजना के तहत 10 लाख रुपये सालाना से कम आय वाले खुदरा निवेशकों द्वारा 50,000 रुपये तक राशि निवेश करने पर आयकर में 50 प्रतिशत की कटौती दी जाएगी। निवेश पर तीन साल की बंधक अवधि होगी।टिप्पणियां योजना का उद्देश्य पूंजी बाजार में छोटे निवेशकों को आकर्षित करना और बचत एवं निवेश को बढ़ावा देना है। सेबी ने पिछले महीने सरकार से कहा था कि वह इस योजना में म्यूचुवल फंड के जरिये निवेश को प्राथमिकता दे। नए निवेशकों के लिए यह सुरक्षित होगा। खुदरा निवेश इस योजना का लाभ जीवन में केवल एक ही बार उठा सकेंगे। सरकार की तरफ से पूंजी बाजार में निवेशकों को प्रोत्साहित करने के लिए लाई गई यह पहली इक्विटी निवेश योजना है। तत्कालीन वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी ने वर्ष 2012-13 का बजट पेश करते समय इस योजना की घोषणा की थी। योजना के तहत 10 लाख रुपये सालाना से कम आय वाले खुदरा निवेशकों द्वारा 50,000 रुपये तक राशि निवेश करने पर आयकर में 50 प्रतिशत की कटौती दी जाएगी। निवेश पर तीन साल की बंधक अवधि होगी।टिप्पणियां योजना का उद्देश्य पूंजी बाजार में छोटे निवेशकों को आकर्षित करना और बचत एवं निवेश को बढ़ावा देना है। सेबी ने पिछले महीने सरकार से कहा था कि वह इस योजना में म्यूचुवल फंड के जरिये निवेश को प्राथमिकता दे। नए निवेशकों के लिए यह सुरक्षित होगा। खुदरा निवेश इस योजना का लाभ जीवन में केवल एक ही बार उठा सकेंगे। सरकार की तरफ से पूंजी बाजार में निवेशकों को प्रोत्साहित करने के लिए लाई गई यह पहली इक्विटी निवेश योजना है। योजना का उद्देश्य पूंजी बाजार में छोटे निवेशकों को आकर्षित करना और बचत एवं निवेश को बढ़ावा देना है। सेबी ने पिछले महीने सरकार से कहा था कि वह इस योजना में म्यूचुवल फंड के जरिये निवेश को प्राथमिकता दे। नए निवेशकों के लिए यह सुरक्षित होगा। खुदरा निवेश इस योजना का लाभ जीवन में केवल एक ही बार उठा सकेंगे। सरकार की तरफ से पूंजी बाजार में निवेशकों को प्रोत्साहित करने के लिए लाई गई यह पहली इक्विटी निवेश योजना है। सरकार की तरफ से पूंजी बाजार में निवेशकों को प्रोत्साहित करने के लिए लाई गई यह पहली इक्विटी निवेश योजना है।
संक्षिप्त सारांश: सरकार राजीव गांधी इक्विटी योजना को 15 अगस्त को जारी कर सकती है। इस योजना का उद्देश्य पूंजी बाजार में खुदरा निवेशकों को आकर्षित करना है।
8
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: सनराइजर्स हैदराबाद के कप्तान शिखर धवन ने चैंपियंस लीग टी-20 के एकतरफा क्वालीफाइंग मैच में ओटागो वोल्ट्स के हाथों शिकस्त के बावजूद कहा कि इस हार से उनकी टीम का आत्मविश्वास नहीं डिगा है। सनराइजर्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए पांच विकेट पर 143 रन बनाए, जिसके जवाब में ओटागो की टीम ने कप्तान ब्रैंडन मैक्कुलम (नाबाद 67) के तूफानी अर्धशतक की मदद से 16.2 ओवर में ही चार विकेट पर 144 रन बनाकर मैच जीत लिया।टिप्पणियां धवन ने मैच के बाद कहा, हम मैच हार गए, लेकिन हमने कुछ प्रयोग करने की कोशिश की। हम कुछ प्रयोग करने की कोशिश कर रहे थे। हमारे सभी बल्लेबाजों को मौका मिला, जो हमारे लिए बोनस की तरह है। उन्होंने कहा, हमारा आत्मविश्वास अब भी ऊंचा है। यह ऐसा मैच था, जिसमें हमने कुछ प्रयोग और यह आकलन करने की कोशिश की कि क्या चीजें गलत रही और क्या सही। दूसरी तरफ ब्रैंडन मैक्कुलम अपनी टीम के प्रदर्शन से खुश दिखे। मैक्कुलम ने अपनी टीम के लगातार तीसरी जीत दर्ज करने के बाद कहा, हमने आज कुछ गेंदबाजों को आराम दिया था, इसलिए हमारा रणनीतिक रूप से बेहतर प्रदर्शन करना जरूरी था। उन्होंने कहा, हमने नाथन के साथ शुरुआत की, जिसने काफी अच्छी गेंदबाजी की। खिलाड़ियों के प्रदर्शन से मैं काफी खुश हूं। हालात को लेकर हम थोड़ा हैरान हैं, यह हमारी खेल की शैली के अनुकूल है। सनराइजर्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए पांच विकेट पर 143 रन बनाए, जिसके जवाब में ओटागो की टीम ने कप्तान ब्रैंडन मैक्कुलम (नाबाद 67) के तूफानी अर्धशतक की मदद से 16.2 ओवर में ही चार विकेट पर 144 रन बनाकर मैच जीत लिया।टिप्पणियां धवन ने मैच के बाद कहा, हम मैच हार गए, लेकिन हमने कुछ प्रयोग करने की कोशिश की। हम कुछ प्रयोग करने की कोशिश कर रहे थे। हमारे सभी बल्लेबाजों को मौका मिला, जो हमारे लिए बोनस की तरह है। उन्होंने कहा, हमारा आत्मविश्वास अब भी ऊंचा है। यह ऐसा मैच था, जिसमें हमने कुछ प्रयोग और यह आकलन करने की कोशिश की कि क्या चीजें गलत रही और क्या सही। दूसरी तरफ ब्रैंडन मैक्कुलम अपनी टीम के प्रदर्शन से खुश दिखे। मैक्कुलम ने अपनी टीम के लगातार तीसरी जीत दर्ज करने के बाद कहा, हमने आज कुछ गेंदबाजों को आराम दिया था, इसलिए हमारा रणनीतिक रूप से बेहतर प्रदर्शन करना जरूरी था। उन्होंने कहा, हमने नाथन के साथ शुरुआत की, जिसने काफी अच्छी गेंदबाजी की। खिलाड़ियों के प्रदर्शन से मैं काफी खुश हूं। हालात को लेकर हम थोड़ा हैरान हैं, यह हमारी खेल की शैली के अनुकूल है। धवन ने मैच के बाद कहा, हम मैच हार गए, लेकिन हमने कुछ प्रयोग करने की कोशिश की। हम कुछ प्रयोग करने की कोशिश कर रहे थे। हमारे सभी बल्लेबाजों को मौका मिला, जो हमारे लिए बोनस की तरह है। उन्होंने कहा, हमारा आत्मविश्वास अब भी ऊंचा है। यह ऐसा मैच था, जिसमें हमने कुछ प्रयोग और यह आकलन करने की कोशिश की कि क्या चीजें गलत रही और क्या सही। दूसरी तरफ ब्रैंडन मैक्कुलम अपनी टीम के प्रदर्शन से खुश दिखे। मैक्कुलम ने अपनी टीम के लगातार तीसरी जीत दर्ज करने के बाद कहा, हमने आज कुछ गेंदबाजों को आराम दिया था, इसलिए हमारा रणनीतिक रूप से बेहतर प्रदर्शन करना जरूरी था। उन्होंने कहा, हमने नाथन के साथ शुरुआत की, जिसने काफी अच्छी गेंदबाजी की। खिलाड़ियों के प्रदर्शन से मैं काफी खुश हूं। हालात को लेकर हम थोड़ा हैरान हैं, यह हमारी खेल की शैली के अनुकूल है। दूसरी तरफ ब्रैंडन मैक्कुलम अपनी टीम के प्रदर्शन से खुश दिखे। मैक्कुलम ने अपनी टीम के लगातार तीसरी जीत दर्ज करने के बाद कहा, हमने आज कुछ गेंदबाजों को आराम दिया था, इसलिए हमारा रणनीतिक रूप से बेहतर प्रदर्शन करना जरूरी था। उन्होंने कहा, हमने नाथन के साथ शुरुआत की, जिसने काफी अच्छी गेंदबाजी की। खिलाड़ियों के प्रदर्शन से मैं काफी खुश हूं। हालात को लेकर हम थोड़ा हैरान हैं, यह हमारी खेल की शैली के अनुकूल है।
यहाँ एक सारांश है:सनराइजर्स हैदराबाद के कप्तान शिखर धवन ने चैंपियंस लीग टी-20 के एकतरफा क्वालीफाइंग मैच में ओटागो वोल्ट्स के हाथों शिकस्त के बावजूद कहा कि इस हार से उनकी टीम का आत्मविश्वास नहीं डिगा है।
17
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: चीन ने जापान के साथ भू-क्षेत्रीय विवादों की जड़ बने द्वीपों के एक समूह के लिए अपने दो गश्ती पोत रवाना कर दिए हैं। चीन की सरकारी समाचार एजेंसी सिन्हुआ ने कहा है कि दोनों चौकसी पोत देश की सम्प्रभुता सुनिश्चित कराने के लिए दियाओयू द्वीपों के आसपास पहुंच गए हैं। द्वीपों के इस समूह को जापान में सेंकाकू द्वीप कहा जाता है। यह कदम तब उठाया गया है, जब कुछ घंटे पहले ही बीजिंग स्थित जापानी राजदूत को विदेश मंत्रालय में बुलाकर द्वीपों के इस समूह में से तीन द्वीपों को खरीदने के जापान के निर्णय पर आपत्ति दर्ज कराई गई। जापान सरकार ने कहा है कि इन द्वीपों पर जापानी तटरक्षकों का अधिकार होगा। चीनी प्रधानमंत्री वेन जियाबाओ ने कहा है कि ये द्वीप चीनी भूभाग के अभिन्न हिस्सा हैं, और उन्होंने संकल्प लिया है कि उनका देश अपनी सम्प्रभुता पर एक इंच पीछे नहीं हट सकता। समाचार एजेंसी आरआईए नोवोस्ती के अनुसार, जापान ने विवादित पांच सेंकाकू द्वीपों में से तीन द्वीपों को कुरिहारा परिवार से 2.61 करोड़ डॉलर में खरीदने के निर्णय की सोमवार को औपचारिक घोषणा की। चीनी विदेश मंत्रालय ने मंगलवार तड़के एक बयान में कहा, "चीन सरकार घोषणा करती है कि इन द्वीपों को खरीदने की कोशिश बिल्कुल अवैध है।" बयान में कहा गया है, "इससे जापान के आक्रमण और चीनी क्षेत्र पर उसके कब्जे तथा दियाओयू द्वीपों तथा उससे लगे टापुओं पर चीन की सम्प्रभुता के ऐतिहासिक तथ्य कभी नहीं बदले जा सकते।" बयान में कहा गया है कि जापान की एकतरफा कार्रवाई के होने वाले किसी भी गम्भीर परिणाम के लिए वह जिम्मेदार होगा। पूर्व चीन सागर में स्थित इन विवादित द्वीपों पर ताईवान भी दावा करता है। ये द्वीप महत्वपूर्ण पोत-परिवहन मार्ग पर पड़ते हैं और उनके चारों ओर हाइड्रोकार्बन के विशाल भंडार हैं।टिप्पणियां दोनों एशियाई ताकतों के बीच मौजूदा तनाव अगस्त में उस समय शुरू हुआ है, जब चीन समर्थक कार्यकर्ता इनमें से एक द्वीप पर पहुंचे थे। जापानी अधिकारियों ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था और वापस चीन भेज दिया था। उसके कुछ ही दिनों बाद दर्जनभर जापानी नागरिकों ने उसी द्वीप पर जापानी ध्वज फहराया, जिसके प्रतिक्रियास्वरूप पूरे चीन में विरोध प्रदर्शन हुए। जापान सरकार ने फिलहाल चार द्वीपों को पट्टे पर दे दिया है और पांचवें द्वीप पर उसका स्वामित्व है। वह इस द्वीप पर किसी को जाने की अनुमति नहीं देता और वहां किसी तरह का निर्माण कार्य न करने की उसकी नीति है। चीन की सरकारी समाचार एजेंसी सिन्हुआ ने कहा है कि दोनों चौकसी पोत देश की सम्प्रभुता सुनिश्चित कराने के लिए दियाओयू द्वीपों के आसपास पहुंच गए हैं। द्वीपों के इस समूह को जापान में सेंकाकू द्वीप कहा जाता है। यह कदम तब उठाया गया है, जब कुछ घंटे पहले ही बीजिंग स्थित जापानी राजदूत को विदेश मंत्रालय में बुलाकर द्वीपों के इस समूह में से तीन द्वीपों को खरीदने के जापान के निर्णय पर आपत्ति दर्ज कराई गई। जापान सरकार ने कहा है कि इन द्वीपों पर जापानी तटरक्षकों का अधिकार होगा। चीनी प्रधानमंत्री वेन जियाबाओ ने कहा है कि ये द्वीप चीनी भूभाग के अभिन्न हिस्सा हैं, और उन्होंने संकल्प लिया है कि उनका देश अपनी सम्प्रभुता पर एक इंच पीछे नहीं हट सकता। समाचार एजेंसी आरआईए नोवोस्ती के अनुसार, जापान ने विवादित पांच सेंकाकू द्वीपों में से तीन द्वीपों को कुरिहारा परिवार से 2.61 करोड़ डॉलर में खरीदने के निर्णय की सोमवार को औपचारिक घोषणा की। चीनी विदेश मंत्रालय ने मंगलवार तड़के एक बयान में कहा, "चीन सरकार घोषणा करती है कि इन द्वीपों को खरीदने की कोशिश बिल्कुल अवैध है।" बयान में कहा गया है, "इससे जापान के आक्रमण और चीनी क्षेत्र पर उसके कब्जे तथा दियाओयू द्वीपों तथा उससे लगे टापुओं पर चीन की सम्प्रभुता के ऐतिहासिक तथ्य कभी नहीं बदले जा सकते।" बयान में कहा गया है कि जापान की एकतरफा कार्रवाई के होने वाले किसी भी गम्भीर परिणाम के लिए वह जिम्मेदार होगा। पूर्व चीन सागर में स्थित इन विवादित द्वीपों पर ताईवान भी दावा करता है। ये द्वीप महत्वपूर्ण पोत-परिवहन मार्ग पर पड़ते हैं और उनके चारों ओर हाइड्रोकार्बन के विशाल भंडार हैं।टिप्पणियां दोनों एशियाई ताकतों के बीच मौजूदा तनाव अगस्त में उस समय शुरू हुआ है, जब चीन समर्थक कार्यकर्ता इनमें से एक द्वीप पर पहुंचे थे। जापानी अधिकारियों ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था और वापस चीन भेज दिया था। उसके कुछ ही दिनों बाद दर्जनभर जापानी नागरिकों ने उसी द्वीप पर जापानी ध्वज फहराया, जिसके प्रतिक्रियास्वरूप पूरे चीन में विरोध प्रदर्शन हुए। जापान सरकार ने फिलहाल चार द्वीपों को पट्टे पर दे दिया है और पांचवें द्वीप पर उसका स्वामित्व है। वह इस द्वीप पर किसी को जाने की अनुमति नहीं देता और वहां किसी तरह का निर्माण कार्य न करने की उसकी नीति है। यह कदम तब उठाया गया है, जब कुछ घंटे पहले ही बीजिंग स्थित जापानी राजदूत को विदेश मंत्रालय में बुलाकर द्वीपों के इस समूह में से तीन द्वीपों को खरीदने के जापान के निर्णय पर आपत्ति दर्ज कराई गई। जापान सरकार ने कहा है कि इन द्वीपों पर जापानी तटरक्षकों का अधिकार होगा। चीनी प्रधानमंत्री वेन जियाबाओ ने कहा है कि ये द्वीप चीनी भूभाग के अभिन्न हिस्सा हैं, और उन्होंने संकल्प लिया है कि उनका देश अपनी सम्प्रभुता पर एक इंच पीछे नहीं हट सकता। समाचार एजेंसी आरआईए नोवोस्ती के अनुसार, जापान ने विवादित पांच सेंकाकू द्वीपों में से तीन द्वीपों को कुरिहारा परिवार से 2.61 करोड़ डॉलर में खरीदने के निर्णय की सोमवार को औपचारिक घोषणा की। चीनी विदेश मंत्रालय ने मंगलवार तड़के एक बयान में कहा, "चीन सरकार घोषणा करती है कि इन द्वीपों को खरीदने की कोशिश बिल्कुल अवैध है।" बयान में कहा गया है, "इससे जापान के आक्रमण और चीनी क्षेत्र पर उसके कब्जे तथा दियाओयू द्वीपों तथा उससे लगे टापुओं पर चीन की सम्प्रभुता के ऐतिहासिक तथ्य कभी नहीं बदले जा सकते।" बयान में कहा गया है कि जापान की एकतरफा कार्रवाई के होने वाले किसी भी गम्भीर परिणाम के लिए वह जिम्मेदार होगा। पूर्व चीन सागर में स्थित इन विवादित द्वीपों पर ताईवान भी दावा करता है। ये द्वीप महत्वपूर्ण पोत-परिवहन मार्ग पर पड़ते हैं और उनके चारों ओर हाइड्रोकार्बन के विशाल भंडार हैं।टिप्पणियां दोनों एशियाई ताकतों के बीच मौजूदा तनाव अगस्त में उस समय शुरू हुआ है, जब चीन समर्थक कार्यकर्ता इनमें से एक द्वीप पर पहुंचे थे। जापानी अधिकारियों ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था और वापस चीन भेज दिया था। उसके कुछ ही दिनों बाद दर्जनभर जापानी नागरिकों ने उसी द्वीप पर जापानी ध्वज फहराया, जिसके प्रतिक्रियास्वरूप पूरे चीन में विरोध प्रदर्शन हुए। जापान सरकार ने फिलहाल चार द्वीपों को पट्टे पर दे दिया है और पांचवें द्वीप पर उसका स्वामित्व है। वह इस द्वीप पर किसी को जाने की अनुमति नहीं देता और वहां किसी तरह का निर्माण कार्य न करने की उसकी नीति है। चीनी प्रधानमंत्री वेन जियाबाओ ने कहा है कि ये द्वीप चीनी भूभाग के अभिन्न हिस्सा हैं, और उन्होंने संकल्प लिया है कि उनका देश अपनी सम्प्रभुता पर एक इंच पीछे नहीं हट सकता। समाचार एजेंसी आरआईए नोवोस्ती के अनुसार, जापान ने विवादित पांच सेंकाकू द्वीपों में से तीन द्वीपों को कुरिहारा परिवार से 2.61 करोड़ डॉलर में खरीदने के निर्णय की सोमवार को औपचारिक घोषणा की। चीनी विदेश मंत्रालय ने मंगलवार तड़के एक बयान में कहा, "चीन सरकार घोषणा करती है कि इन द्वीपों को खरीदने की कोशिश बिल्कुल अवैध है।" बयान में कहा गया है, "इससे जापान के आक्रमण और चीनी क्षेत्र पर उसके कब्जे तथा दियाओयू द्वीपों तथा उससे लगे टापुओं पर चीन की सम्प्रभुता के ऐतिहासिक तथ्य कभी नहीं बदले जा सकते।" बयान में कहा गया है कि जापान की एकतरफा कार्रवाई के होने वाले किसी भी गम्भीर परिणाम के लिए वह जिम्मेदार होगा। पूर्व चीन सागर में स्थित इन विवादित द्वीपों पर ताईवान भी दावा करता है। ये द्वीप महत्वपूर्ण पोत-परिवहन मार्ग पर पड़ते हैं और उनके चारों ओर हाइड्रोकार्बन के विशाल भंडार हैं।टिप्पणियां दोनों एशियाई ताकतों के बीच मौजूदा तनाव अगस्त में उस समय शुरू हुआ है, जब चीन समर्थक कार्यकर्ता इनमें से एक द्वीप पर पहुंचे थे। जापानी अधिकारियों ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था और वापस चीन भेज दिया था। उसके कुछ ही दिनों बाद दर्जनभर जापानी नागरिकों ने उसी द्वीप पर जापानी ध्वज फहराया, जिसके प्रतिक्रियास्वरूप पूरे चीन में विरोध प्रदर्शन हुए। जापान सरकार ने फिलहाल चार द्वीपों को पट्टे पर दे दिया है और पांचवें द्वीप पर उसका स्वामित्व है। वह इस द्वीप पर किसी को जाने की अनुमति नहीं देता और वहां किसी तरह का निर्माण कार्य न करने की उसकी नीति है। समाचार एजेंसी आरआईए नोवोस्ती के अनुसार, जापान ने विवादित पांच सेंकाकू द्वीपों में से तीन द्वीपों को कुरिहारा परिवार से 2.61 करोड़ डॉलर में खरीदने के निर्णय की सोमवार को औपचारिक घोषणा की। चीनी विदेश मंत्रालय ने मंगलवार तड़के एक बयान में कहा, "चीन सरकार घोषणा करती है कि इन द्वीपों को खरीदने की कोशिश बिल्कुल अवैध है।" बयान में कहा गया है, "इससे जापान के आक्रमण और चीनी क्षेत्र पर उसके कब्जे तथा दियाओयू द्वीपों तथा उससे लगे टापुओं पर चीन की सम्प्रभुता के ऐतिहासिक तथ्य कभी नहीं बदले जा सकते।" बयान में कहा गया है कि जापान की एकतरफा कार्रवाई के होने वाले किसी भी गम्भीर परिणाम के लिए वह जिम्मेदार होगा। पूर्व चीन सागर में स्थित इन विवादित द्वीपों पर ताईवान भी दावा करता है। ये द्वीप महत्वपूर्ण पोत-परिवहन मार्ग पर पड़ते हैं और उनके चारों ओर हाइड्रोकार्बन के विशाल भंडार हैं।टिप्पणियां दोनों एशियाई ताकतों के बीच मौजूदा तनाव अगस्त में उस समय शुरू हुआ है, जब चीन समर्थक कार्यकर्ता इनमें से एक द्वीप पर पहुंचे थे। जापानी अधिकारियों ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था और वापस चीन भेज दिया था। उसके कुछ ही दिनों बाद दर्जनभर जापानी नागरिकों ने उसी द्वीप पर जापानी ध्वज फहराया, जिसके प्रतिक्रियास्वरूप पूरे चीन में विरोध प्रदर्शन हुए। जापान सरकार ने फिलहाल चार द्वीपों को पट्टे पर दे दिया है और पांचवें द्वीप पर उसका स्वामित्व है। वह इस द्वीप पर किसी को जाने की अनुमति नहीं देता और वहां किसी तरह का निर्माण कार्य न करने की उसकी नीति है। चीनी विदेश मंत्रालय ने मंगलवार तड़के एक बयान में कहा, "चीन सरकार घोषणा करती है कि इन द्वीपों को खरीदने की कोशिश बिल्कुल अवैध है।" बयान में कहा गया है, "इससे जापान के आक्रमण और चीनी क्षेत्र पर उसके कब्जे तथा दियाओयू द्वीपों तथा उससे लगे टापुओं पर चीन की सम्प्रभुता के ऐतिहासिक तथ्य कभी नहीं बदले जा सकते।" बयान में कहा गया है कि जापान की एकतरफा कार्रवाई के होने वाले किसी भी गम्भीर परिणाम के लिए वह जिम्मेदार होगा। पूर्व चीन सागर में स्थित इन विवादित द्वीपों पर ताईवान भी दावा करता है। ये द्वीप महत्वपूर्ण पोत-परिवहन मार्ग पर पड़ते हैं और उनके चारों ओर हाइड्रोकार्बन के विशाल भंडार हैं।टिप्पणियां दोनों एशियाई ताकतों के बीच मौजूदा तनाव अगस्त में उस समय शुरू हुआ है, जब चीन समर्थक कार्यकर्ता इनमें से एक द्वीप पर पहुंचे थे। जापानी अधिकारियों ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था और वापस चीन भेज दिया था। उसके कुछ ही दिनों बाद दर्जनभर जापानी नागरिकों ने उसी द्वीप पर जापानी ध्वज फहराया, जिसके प्रतिक्रियास्वरूप पूरे चीन में विरोध प्रदर्शन हुए। जापान सरकार ने फिलहाल चार द्वीपों को पट्टे पर दे दिया है और पांचवें द्वीप पर उसका स्वामित्व है। वह इस द्वीप पर किसी को जाने की अनुमति नहीं देता और वहां किसी तरह का निर्माण कार्य न करने की उसकी नीति है। बयान में कहा गया है, "इससे जापान के आक्रमण और चीनी क्षेत्र पर उसके कब्जे तथा दियाओयू द्वीपों तथा उससे लगे टापुओं पर चीन की सम्प्रभुता के ऐतिहासिक तथ्य कभी नहीं बदले जा सकते।" बयान में कहा गया है कि जापान की एकतरफा कार्रवाई के होने वाले किसी भी गम्भीर परिणाम के लिए वह जिम्मेदार होगा। पूर्व चीन सागर में स्थित इन विवादित द्वीपों पर ताईवान भी दावा करता है। ये द्वीप महत्वपूर्ण पोत-परिवहन मार्ग पर पड़ते हैं और उनके चारों ओर हाइड्रोकार्बन के विशाल भंडार हैं।टिप्पणियां दोनों एशियाई ताकतों के बीच मौजूदा तनाव अगस्त में उस समय शुरू हुआ है, जब चीन समर्थक कार्यकर्ता इनमें से एक द्वीप पर पहुंचे थे। जापानी अधिकारियों ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था और वापस चीन भेज दिया था। उसके कुछ ही दिनों बाद दर्जनभर जापानी नागरिकों ने उसी द्वीप पर जापानी ध्वज फहराया, जिसके प्रतिक्रियास्वरूप पूरे चीन में विरोध प्रदर्शन हुए। जापान सरकार ने फिलहाल चार द्वीपों को पट्टे पर दे दिया है और पांचवें द्वीप पर उसका स्वामित्व है। वह इस द्वीप पर किसी को जाने की अनुमति नहीं देता और वहां किसी तरह का निर्माण कार्य न करने की उसकी नीति है। पूर्व चीन सागर में स्थित इन विवादित द्वीपों पर ताईवान भी दावा करता है। ये द्वीप महत्वपूर्ण पोत-परिवहन मार्ग पर पड़ते हैं और उनके चारों ओर हाइड्रोकार्बन के विशाल भंडार हैं।टिप्पणियां दोनों एशियाई ताकतों के बीच मौजूदा तनाव अगस्त में उस समय शुरू हुआ है, जब चीन समर्थक कार्यकर्ता इनमें से एक द्वीप पर पहुंचे थे। जापानी अधिकारियों ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था और वापस चीन भेज दिया था। उसके कुछ ही दिनों बाद दर्जनभर जापानी नागरिकों ने उसी द्वीप पर जापानी ध्वज फहराया, जिसके प्रतिक्रियास्वरूप पूरे चीन में विरोध प्रदर्शन हुए। जापान सरकार ने फिलहाल चार द्वीपों को पट्टे पर दे दिया है और पांचवें द्वीप पर उसका स्वामित्व है। वह इस द्वीप पर किसी को जाने की अनुमति नहीं देता और वहां किसी तरह का निर्माण कार्य न करने की उसकी नीति है। दोनों एशियाई ताकतों के बीच मौजूदा तनाव अगस्त में उस समय शुरू हुआ है, जब चीन समर्थक कार्यकर्ता इनमें से एक द्वीप पर पहुंचे थे। जापानी अधिकारियों ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था और वापस चीन भेज दिया था। उसके कुछ ही दिनों बाद दर्जनभर जापानी नागरिकों ने उसी द्वीप पर जापानी ध्वज फहराया, जिसके प्रतिक्रियास्वरूप पूरे चीन में विरोध प्रदर्शन हुए। जापान सरकार ने फिलहाल चार द्वीपों को पट्टे पर दे दिया है और पांचवें द्वीप पर उसका स्वामित्व है। वह इस द्वीप पर किसी को जाने की अनुमति नहीं देता और वहां किसी तरह का निर्माण कार्य न करने की उसकी नीति है। जापान सरकार ने फिलहाल चार द्वीपों को पट्टे पर दे दिया है और पांचवें द्वीप पर उसका स्वामित्व है। वह इस द्वीप पर किसी को जाने की अनुमति नहीं देता और वहां किसी तरह का निर्माण कार्य न करने की उसकी नीति है।
यहाँ एक सारांश है:चीन की सरकारी समाचार एजेंसी सिन्हुआ ने कहा है कि दोनों चौकसी पोत देश की सम्प्रभुता सुनिश्चित कराने के लिए दियाओयू द्वीपों के आसपास पहुंच गए हैं। द्वीपों के इस समूह को जापान में सेंकाकू द्वीप कहा जाता है।
4
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारत सहित संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के सभी 15 सदस्य देशों ने प्रतिबंधों के लिहाज से एक ऐसी सूची को मंजूर दी है, जिसमें तालिबान और अलकायदा को अलग-अलग नजरिए से देखा जाएगा। इसका मकसद तालिबान को अफगानिस्तान में सुलह के प्रयासों में शामिल करने से जुड़ा है। इस संबंध में सुरक्षा परिषद ने शुक्रवार रात पूर्ण बहुमत के साथ दो प्रस्ताव पारित किए। इनमें प्रतिबंधों को लेकर तालिबान के लिए अलकायदा से अलग एक सूची की बात की गई है। इस कदम के बाद अब अलकायदा और तालिबान आतंकवादियों को अलग-अलग पैमानों पर तौला जाएगा। सुरक्षा परिषद के इस कदम से अलकायदा और तालिबान से निपटने का रवैया भी अलग-अलग होगा। मसलन, यात्राओं संबंधी पाबंदी, संपत्ति जब्त करना और हथियारों के संबंध में प्रतिबंध को लेकर भी इन दोनों के साथ अंतरराष्ट्रीय समुदाय का अलग-अलग रुख होगा। संयुक्त राष्ट्र में भारतीय राजदूत हरदीप सिंह पुरी ने कहा, तालिबान से जुड़े अलकायदा के तत्वों, लश्कर-ए-तैयबा और अफगानिस्तान की सीमा के भीतर अथवा बाहर से संचालित दूसरे आतंकवादी संगठनों का नेटवर्क पूरी दुनिया के लिए खतरा है। इन संगठनों के बीच हाल के वर्षों में गठजोड़ और गहरा हुआ है।
यह एक सारांश है: सुरक्षा परिषद के सभी सदस्य देशों ने प्रतिबंधों के लिहाज से ऐसी सूची को मंजूर दी है, जिसमें तालिबान और अलकायदा को अलग नजरिए से देखा जाएगा।
9
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: इंजीनियरिंग कॉलेजों के लिए एक प्रवेश परीक्षा के मसले पर मानव संसाधन मंत्री कपिल सिब्बल ने आज सख्ती से कहा कि यह फैसला लेते वक्त सभी को विश्वास में लिया गया था। सिब्बल ने कहा कि जब फैसला लिया गया तो आईआईटी, एनआईटी, आईआईआईटी की काउंसिल की बैठक हुई थी और किसी ने विरोध नहीं जताया था।टिप्पणियां सिब्बल ने कहा कि एक देश, एक प्रवेश परीक्षा का फैसला केंद्र से फंड होने वाली टेक्नीकल यूनिवर्सिटी पर लागू होता है और यह राज्यों पर निर्भर करता है कि वह इसमें शामिल हों या न हों। वहीं आईआईटी कानपुर के फैकल्टी फोरम और एकेडमी सीनेट के सदस्यों ने ऐलान किया है कि अगर पैटर्न में बदलाव को वापस नहीं लिया गया तो हो सकता है कि अगले साल आईआईटी कानपुर अलग से प्रवेश परीक्षा करा सकता है। इस मामले में 8 जून को कानपुर आईआईटी में विशेष बैठक होने जा रही है। सिब्बल ने कहा कि एक देश, एक प्रवेश परीक्षा का फैसला केंद्र से फंड होने वाली टेक्नीकल यूनिवर्सिटी पर लागू होता है और यह राज्यों पर निर्भर करता है कि वह इसमें शामिल हों या न हों। वहीं आईआईटी कानपुर के फैकल्टी फोरम और एकेडमी सीनेट के सदस्यों ने ऐलान किया है कि अगर पैटर्न में बदलाव को वापस नहीं लिया गया तो हो सकता है कि अगले साल आईआईटी कानपुर अलग से प्रवेश परीक्षा करा सकता है। इस मामले में 8 जून को कानपुर आईआईटी में विशेष बैठक होने जा रही है। वहीं आईआईटी कानपुर के फैकल्टी फोरम और एकेडमी सीनेट के सदस्यों ने ऐलान किया है कि अगर पैटर्न में बदलाव को वापस नहीं लिया गया तो हो सकता है कि अगले साल आईआईटी कानपुर अलग से प्रवेश परीक्षा करा सकता है। इस मामले में 8 जून को कानपुर आईआईटी में विशेष बैठक होने जा रही है।
यह एक सारांश है: इंजीनियरिंग कॉलेजों के लिए एक प्रवेश परीक्षा के मसले पर मानव संसाधन मंत्री कपिल सिब्बल ने आज सख्ती से कहा कि यह फैसला लेते वक्त सभी को विश्वास में लिया गया था।
2
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: चीन के तिब्बत स्वायत्त क्षेत्र में ब्रहमपुत्र नदी पर निर्माण गतिविधि से अवगत होने का जिक्र करते हुए भारत ने गुरुवार को कहा कि उसने यह सुनिश्चित किया है कि इस परियोजना से भारतीय नदी प्रवाह क्षेत्र में प्रतिकूल असर नहीं पड़ेगा। विदेश राज्य मंत्री ई अहमद ने कुमार दीपक दास के सवालों के लिखित जवाब में राज्यसभा को बताया कि सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि यह ऐसी पनबिजली परियोजना है जिसमें पानी का भंडारण नहीं होता है और इससे भारत में नदी के अनुप्रवाह क्षेत्रों में प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ेगा। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय हित से जुड़े सभी घटनाक्रम पर सरकार की लगातार नजर है और इसकी रक्षा के लिए आवश्यक उपाय किए जाते हैं। अहमद ने कहा कि 2006 में चीनी राष्ट्रपति हू जिन्ताओ की भारत यात्रा के दौरान दोनों देश सीमा पार नदियों पर एक विशेषज्ञ स्तरीय तंत्र स्थापित करने पर सहमत हुए थे। उन्होंने कहा कि इस तंत्र की अब तक पांच बैठकें हुई हैं। अहमद ने आरवी मोहिते पाटिल के एक अन्य सवाल के जवाब में बताया कि 2003 में तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की चीन यात्रा के दौरान दोनों पक्ष समग्र द्विपक्षीय संबंधों के राजनीतिक परिप्रेक्ष्य में सीमा समाधान का पता लगाने के लिए एक एक विशेष प्रतिनिधि नियुक्त करने पर सहमत हुए थे। उन्होंने बताया कि अब तक विशेष प्रतिनिधियों की 14 बैठकें हुई हैं।
यहाँ एक सारांश है:अहमद ने बताया कि सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि यह ऐसी पनबिजली परियोजना है जिसमें पानी का भंडारण नहीं होता है।
17
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: पाकिस्तान की नई विदेश नीति का खुलासा करते हुए प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने गुरुवार को प्रतिबद्धता जताई कि वह कश्मीर सहित सभी लंबित मुद्दों को सुलझाने की कोशिश करते हुए भारत के साथ संबंधों को बेहतर बनाने का सतत प्रयास करेंगे। प्रधानमंत्री पद का कार्यभार संभालने के अगले ही दिन सरकार की विदेश नीति का खुलासा करते हुए शरीफ ने सभी देशों में मौजूद दूतावासों के प्रमुखों को भेजे गए संदेश में कहा कि ‘त्वरित ध्यानाकर्षण’ का मुख्य फोकस पड़ोसी होंगे। उन्होंने कहा, ‘‘जबतक क्षेत्र शांत नहीं होता हमारा विकास और समृद्धि का लक्ष्य सफल नहीं होगा।’’ विदेश मंत्रालय की ओर से जारी बयान के मुताबिक, ‘‘जम्मू-कश्मीर सहित सभी लंबित मसलों को सुलझाने के साथ-साथ प्रधानमंत्री ने भारत के साथ द्विपक्षीय संबंधों को बेहतर बनाने की जरूरत पर जोर दिया।’’टिप्पणियां पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के तौर पर कल तीसरी बार शपथ लेने वाले 63 वर्षीय शरीफ ने 11 मई को हुए आमचुनाव से पहले ही संकेत दिया था कि वह भारत के साथ संबंधों को बेहतर बनाने की दिशा में काम करना चाहते हैं। उन्होंने कहा था कि वर्ष 1999 में तत्कालीन सेना प्रमुख जनरल परवेज मुशर्रफ द्वारा तख्ता पलट किए जाने से पहले उन्होंने भारत के साथ संबंधों को सुधारने के लिए कड़ी मेहनत की थी। प्रधानमंत्री पद का कार्यभार संभालने के अगले ही दिन सरकार की विदेश नीति का खुलासा करते हुए शरीफ ने सभी देशों में मौजूद दूतावासों के प्रमुखों को भेजे गए संदेश में कहा कि ‘त्वरित ध्यानाकर्षण’ का मुख्य फोकस पड़ोसी होंगे। उन्होंने कहा, ‘‘जबतक क्षेत्र शांत नहीं होता हमारा विकास और समृद्धि का लक्ष्य सफल नहीं होगा।’’ विदेश मंत्रालय की ओर से जारी बयान के मुताबिक, ‘‘जम्मू-कश्मीर सहित सभी लंबित मसलों को सुलझाने के साथ-साथ प्रधानमंत्री ने भारत के साथ द्विपक्षीय संबंधों को बेहतर बनाने की जरूरत पर जोर दिया।’’टिप्पणियां पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के तौर पर कल तीसरी बार शपथ लेने वाले 63 वर्षीय शरीफ ने 11 मई को हुए आमचुनाव से पहले ही संकेत दिया था कि वह भारत के साथ संबंधों को बेहतर बनाने की दिशा में काम करना चाहते हैं। उन्होंने कहा था कि वर्ष 1999 में तत्कालीन सेना प्रमुख जनरल परवेज मुशर्रफ द्वारा तख्ता पलट किए जाने से पहले उन्होंने भारत के साथ संबंधों को सुधारने के लिए कड़ी मेहनत की थी। उन्होंने कहा, ‘‘जबतक क्षेत्र शांत नहीं होता हमारा विकास और समृद्धि का लक्ष्य सफल नहीं होगा।’’ विदेश मंत्रालय की ओर से जारी बयान के मुताबिक, ‘‘जम्मू-कश्मीर सहित सभी लंबित मसलों को सुलझाने के साथ-साथ प्रधानमंत्री ने भारत के साथ द्विपक्षीय संबंधों को बेहतर बनाने की जरूरत पर जोर दिया।’’टिप्पणियां पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के तौर पर कल तीसरी बार शपथ लेने वाले 63 वर्षीय शरीफ ने 11 मई को हुए आमचुनाव से पहले ही संकेत दिया था कि वह भारत के साथ संबंधों को बेहतर बनाने की दिशा में काम करना चाहते हैं। उन्होंने कहा था कि वर्ष 1999 में तत्कालीन सेना प्रमुख जनरल परवेज मुशर्रफ द्वारा तख्ता पलट किए जाने से पहले उन्होंने भारत के साथ संबंधों को सुधारने के लिए कड़ी मेहनत की थी। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के तौर पर कल तीसरी बार शपथ लेने वाले 63 वर्षीय शरीफ ने 11 मई को हुए आमचुनाव से पहले ही संकेत दिया था कि वह भारत के साथ संबंधों को बेहतर बनाने की दिशा में काम करना चाहते हैं। उन्होंने कहा था कि वर्ष 1999 में तत्कालीन सेना प्रमुख जनरल परवेज मुशर्रफ द्वारा तख्ता पलट किए जाने से पहले उन्होंने भारत के साथ संबंधों को सुधारने के लिए कड़ी मेहनत की थी। उन्होंने कहा था कि वर्ष 1999 में तत्कालीन सेना प्रमुख जनरल परवेज मुशर्रफ द्वारा तख्ता पलट किए जाने से पहले उन्होंने भारत के साथ संबंधों को सुधारने के लिए कड़ी मेहनत की थी।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: पाकिस्तान की नई विदेश नीति का खुलासा करते हुए प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने गुरुवार को प्रतिबद्धता जताई कि वह कश्मीर सहित सभी लंबित मुद्दों को सुलझाने की कोशिश करते हुए भारत के साथ संबंधों को बेहतर बनाने का सतत प्रयास करेंगे।
25
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: एक अध्ययन के मुताबिक, नेतृत्व प्रतिभा निखारने में भारत चीन से काफी आगे हैं जबकि भारतीय उद्यमी नाजुक स्थिति को संभालने में काफी प्रभावी हैं। अध्ययन में कहा गया कि इसके अलावा, देश में उद्योग भावी प्रतिभाओं की पहचान करने और उनका विकास करने में बेहतर हैं।टिप्पणियां एक प्रतिभा प्रबंधन फर्म डीडीआई द्वारा भारत और चीन पर कराए गए अध्ययन में कहा गया, ‘सफल नेतृत्व के लिए आवश्यक पांच अहम् कौशल गुर में दक्ष होने के मामले में भारतीय कारोबारियों में 60 प्रतिशत चीन के कारोबारियों से अधिक प्रभावी पाए गए।’ इस अध्ययन के लिए 74 देशों में 2,600 कंपनियों के बीच सर्वेक्षण कराया गया जिसमें कहा गया है कि करीब 76 प्रतिशत भारतीय कारोबारी भावी नेतृत्व की पहचान करने और उन्हें विकसित करने में चीनी कारोबारियों के मुकाबले बेहतर हैं। चीन के 56 प्रतिशत कारोबारी भावी नेतृत्व की पहचान करने में सफल पाए गए। एक प्रतिभा प्रबंधन फर्म डीडीआई द्वारा भारत और चीन पर कराए गए अध्ययन में कहा गया, ‘सफल नेतृत्व के लिए आवश्यक पांच अहम् कौशल गुर में दक्ष होने के मामले में भारतीय कारोबारियों में 60 प्रतिशत चीन के कारोबारियों से अधिक प्रभावी पाए गए।’ इस अध्ययन के लिए 74 देशों में 2,600 कंपनियों के बीच सर्वेक्षण कराया गया जिसमें कहा गया है कि करीब 76 प्रतिशत भारतीय कारोबारी भावी नेतृत्व की पहचान करने और उन्हें विकसित करने में चीनी कारोबारियों के मुकाबले बेहतर हैं। चीन के 56 प्रतिशत कारोबारी भावी नेतृत्व की पहचान करने में सफल पाए गए। इस अध्ययन के लिए 74 देशों में 2,600 कंपनियों के बीच सर्वेक्षण कराया गया जिसमें कहा गया है कि करीब 76 प्रतिशत भारतीय कारोबारी भावी नेतृत्व की पहचान करने और उन्हें विकसित करने में चीनी कारोबारियों के मुकाबले बेहतर हैं। चीन के 56 प्रतिशत कारोबारी भावी नेतृत्व की पहचान करने में सफल पाए गए।
यह एक सारांश है: एक अध्ययन के मुताबिक, नेतृत्व प्रतिभा निखारने में भारत चीन से काफी आगे हैं जबकि भारतीय उद्यमी नाजुक स्थिति को संभालने में काफी प्रभावी हैं।
9
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि 2जी स्पेक्ट्रम मामले में सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को अपने पद पर बने रहने का अधिकार नहीं रह गया है। मोदी ने सद्भावना उपवास में कहा, ‘‘जब सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट फैसला दिया है, मनमोहन सिंह को एक भी मिनट के लिए पद पर बने रहने का अधिकार नहीं है।’’टिप्पणियां उन्होंने कहा, ‘‘मैं प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को अपनी चुप्पी तोड़ने और इस्तीफा देने की चुनौती देता हूं।’’ उन्होंने केंद्रीय गृहमंत्री पी चिदंबरम पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘अदालत ने चिदंबरम के खिलाफ आरोप तय किए हैं। सुप्रीम कोर्ट ने निचली अदालत को सुनवाई करने का निर्देश दिया है।’’ मोदी ने कहा, ‘‘शीर्ष अदालत के निर्देश के बाद कांग्रेस उनके बचाव में खुलकर सामने आ गई है। इससे यह संदेह पैदा होता है कि पूरी मनमोहन सिंह सरकार न केवल चिदंबरम, बल्कि उन सभी लोगों के बचाव का प्रयास में जुट गई है, जो उनके पीछे हैं और जिनके नाम अभी तक सामने नहीं आए हैं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘मैं प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को अपनी चुप्पी तोड़ने और इस्तीफा देने की चुनौती देता हूं।’’ उन्होंने केंद्रीय गृहमंत्री पी चिदंबरम पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘अदालत ने चिदंबरम के खिलाफ आरोप तय किए हैं। सुप्रीम कोर्ट ने निचली अदालत को सुनवाई करने का निर्देश दिया है।’’ मोदी ने कहा, ‘‘शीर्ष अदालत के निर्देश के बाद कांग्रेस उनके बचाव में खुलकर सामने आ गई है। इससे यह संदेह पैदा होता है कि पूरी मनमोहन सिंह सरकार न केवल चिदंबरम, बल्कि उन सभी लोगों के बचाव का प्रयास में जुट गई है, जो उनके पीछे हैं और जिनके नाम अभी तक सामने नहीं आए हैं।’’ मोदी ने कहा, ‘‘शीर्ष अदालत के निर्देश के बाद कांग्रेस उनके बचाव में खुलकर सामने आ गई है। इससे यह संदेह पैदा होता है कि पूरी मनमोहन सिंह सरकार न केवल चिदंबरम, बल्कि उन सभी लोगों के बचाव का प्रयास में जुट गई है, जो उनके पीछे हैं और जिनके नाम अभी तक सामने नहीं आए हैं।’’
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि 2जी मामले में सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को पद पर बने रहने का अधिकार नहीं रह गया है।
3
['hin']
एक सारांश बनाओ: दिवंगत अभिनेत्री जिया खान के साथ अभिनय कर चुके मेगास्टार अमिताभ बच्चन ने आज लोगों को सलाह दी कि उन्हें लक्ष्य हासिल करने में बाधा आने या विफल रहने पर जीवन में हार नहीं माननी चाहिए।टिप्पणियां संवाददाताओं से बातचीत के दौरान बच्चन ने कहा, जिया खान की आत्महत्या की खबर से मैं दुखी और स्तब्ध हूं। मैं सभी से अनुरोध करता हूं कि वे अवसाद की वजह से ऐसा कोई कदम न उठाएं। 25 वर्षीय अभिनेत्री जिया सोमवार रात को जूहू स्थित अपने फ्लैट में मृत पाई गई थीं। हालांकि उन्होंने कोई सुसाइड नोट नहीं छोड़ा है फिर भी यह माना जा रहा है कि निजी और पेशेवर जीवन में विफलताओं ने उन्हें ऐसा कदम उठाने पर मजबूर किया। बच्चन ने कहा, ऐसे बहुत से लोग हैं, जो सपने पूरे न हो पाने की वजह से अपने जीवन से दुखी, चिंतित और अवसादग्रस्त हैं। मैं उन सभी से अनुरोध करता हूं कि जीवन में हार न मानें। जिया ने अपने अभिनय करियर की शुरुआत वर्ष 2007 में रामगोपाल वर्मा की फिल्म ‘निशब्द’ से की थी। इस फिल्म में उन्होंने अमिताभ के साथ काम किया। इस फिल्म को मिश्रित प्रतिक्रियाएं मिलीं लेकिन 19 वर्षीय जिया को उनके आत्मविश्वास, एटीट्यूड और सेक्स अपील की वजह से पहचान मिली। जिया को सर्वश्रेष्ठ नवोदित कलाकार के लिए फिल्मफेयर में नामांकन भी मिला था। संवाददाताओं से बातचीत के दौरान बच्चन ने कहा, जिया खान की आत्महत्या की खबर से मैं दुखी और स्तब्ध हूं। मैं सभी से अनुरोध करता हूं कि वे अवसाद की वजह से ऐसा कोई कदम न उठाएं। 25 वर्षीय अभिनेत्री जिया सोमवार रात को जूहू स्थित अपने फ्लैट में मृत पाई गई थीं। हालांकि उन्होंने कोई सुसाइड नोट नहीं छोड़ा है फिर भी यह माना जा रहा है कि निजी और पेशेवर जीवन में विफलताओं ने उन्हें ऐसा कदम उठाने पर मजबूर किया। बच्चन ने कहा, ऐसे बहुत से लोग हैं, जो सपने पूरे न हो पाने की वजह से अपने जीवन से दुखी, चिंतित और अवसादग्रस्त हैं। मैं उन सभी से अनुरोध करता हूं कि जीवन में हार न मानें। जिया ने अपने अभिनय करियर की शुरुआत वर्ष 2007 में रामगोपाल वर्मा की फिल्म ‘निशब्द’ से की थी। इस फिल्म में उन्होंने अमिताभ के साथ काम किया। इस फिल्म को मिश्रित प्रतिक्रियाएं मिलीं लेकिन 19 वर्षीय जिया को उनके आत्मविश्वास, एटीट्यूड और सेक्स अपील की वजह से पहचान मिली। जिया को सर्वश्रेष्ठ नवोदित कलाकार के लिए फिल्मफेयर में नामांकन भी मिला था। बच्चन ने कहा, ऐसे बहुत से लोग हैं, जो सपने पूरे न हो पाने की वजह से अपने जीवन से दुखी, चिंतित और अवसादग्रस्त हैं। मैं उन सभी से अनुरोध करता हूं कि जीवन में हार न मानें। जिया ने अपने अभिनय करियर की शुरुआत वर्ष 2007 में रामगोपाल वर्मा की फिल्म ‘निशब्द’ से की थी। इस फिल्म में उन्होंने अमिताभ के साथ काम किया। इस फिल्म को मिश्रित प्रतिक्रियाएं मिलीं लेकिन 19 वर्षीय जिया को उनके आत्मविश्वास, एटीट्यूड और सेक्स अपील की वजह से पहचान मिली। जिया को सर्वश्रेष्ठ नवोदित कलाकार के लिए फिल्मफेयर में नामांकन भी मिला था।
यहाँ एक सारांश है:बिग बी ने कहा, जिया खान की आत्महत्या की खबर से मैं दुखी और स्तब्ध हूं। मैं सभी से अनुरोध करता हूं कि वे अवसाद की वजह से ऐसा कोई कदम न उठाएं।
15
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एफबीआई निदेशक जेम्स कोमी को बर्खास्त कर दिया गया है. कोमी इस संबंध में जांच का नेतृत्व कर रहे थे कि ट्रंप की चुनाव प्रचार मुहिम का संबंध अमेरिकी चुनाव में रूस के कथित हस्तक्षेप से है या नहीं.   ट्रंप ने एक पत्र में कोमी ने कहा कि वह ब्यूरो का प्रभावशाली रूप से नेतृत्व करने के लिए अब सक्षम नहीं है और इसमें ‘लोगों का विश्वास’ पुन: कायम करना आवश्यक है.   उन्होंने कहा, ‘इस कारण से आपको तत्काल प्रभाव से बख्रास्त किया जाता है और कार्यालय से हटाया जाता है.’ यह आश्चर्यजनक कदम ऐसे समय में उठाया गया है जब कुछ ही दिन पहले कोमी ने चुनाव में रूसी हस्तक्षेप और रूस एवं ट्रंप की मुहिम के बीच संभावित सांठ-गांठ पर एफबीआई की जांच के बारे में कैपिटोल हिल के समक्ष बयान दिया था.   ट्रंप ने पत्र में यह स्वीकार किया कि कोमी ने ‘‘तीन अलग अलग मौकों पर’ उन्हें सूचित किया था कि वह जांच के दायरे में नहीं है. उन्होंने कहा, ‘मैं फिर भी न्याय विभाग के इस फैसले से सहमत हूं कि आप ब्यूरो का प्रभावशाली नेतृत्व करने में सक्षम नहीं हैं.’
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: ट्रंप ने एफबीआई निदेशक जेम्स कोमी को बख्रास्त कर दिया वह ब्यूरो का प्रभावशाली रूप से नेतृत्व करने के लिए अब सक्षम नहीं है यह आश्चर्यजनक कदम ऐसे समय में उठाया गया है
19
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग में बुधवार को सेना को एक बड़ी कामयाबी मिली. सेना ने एक मुठभेड़ में लश्कर-ए-तैयबा के शीर्ष कमांडर अबू बकर को मार गिराया. वहीं, एक अन्य मुठभेड़ में हिजबुल मुजाहिदीन के सदस्य को ढेर कर दिया.    जानकारी के मुताबिक सेना को अबू बकर के सोपोर में छिपे होने की सूचना मिली थी. सेना ने जानकारी के आधार पर इलाके की घेराबंदी करके खोज अभियान शुरू किया. सुरक्षा बल जब बोमई इलाके में पहुंचे तो आतंकियों की ओर से सेना पर गोलीबारी की गई. सेना ने आतंकियों की गोलीबारी का कड़ा जवाब देते हुए अबू बकर को मार गिराया. मृतक आतंकी के पास से हथियार और गोला-बारुद भी बरामद हुआ है.  मृतक आतंकी पाकिस्तान का नागरिक है और उत्तरी कश्मीर में लश्कर के लिए काम करता था. इलाके में सेना का सर्च अभियान जारी है. उधर, एक अन्य मुठभेड़ में सेना ने एक और आतंकी को मार गिराने में कामयाबी हासिल की. यह आतंकी हिजबुल मुजाहिदीन के लिए काम करता था. गौरतलब है कि इस साल सीमा पार से घुसपैठ के मामलों में काफी तेजी देखी गई है. सेना ने भी समय-समय पर इसका कड़ा जवाब दिया है. इस साल घाटी में आतंकियों के साथ अब तक 97 मुठभेड़ दर्ज की  जा चुकी हैं. इनमें 146 आतंकी मारे गए हैं और 76 को गिरफ्तार किया जा चुका है. पाकिस्तान की ओर से करीब 276 बार घुसपैठ करने की कोशिश की गई है. उधर, एक अन्य मुठभेड़ में सेना ने एक और आतंकी को मार गिराने में कामयाबी हासिल की. यह आतंकी हिजबुल मुजाहिदीन के लिए काम करता था. गौरतलब है कि इस साल सीमा पार से घुसपैठ के मामलों में काफी तेजी देखी गई है. सेना ने भी समय-समय पर इसका कड़ा जवाब दिया है. इस साल घाटी में आतंकियों के साथ अब तक 97 मुठभेड़ दर्ज की  जा चुकी हैं. इनमें 146 आतंकी मारे गए हैं और 76 को गिरफ्तार किया जा चुका है. पाकिस्तान की ओर से करीब 276 बार घुसपैठ करने की कोशिश की गई है.
यहाँ एक सारांश है:एक अन्य मुठभेड़ में हिजबुल मुजाहिदीन के सदस्य को मार गिराया सेना को अबू बकर के सोपोर में छिपे होने की सूचना मिली थी आतंकियों की गोलीबारी का कड़ा जवाब देते हुए अबू बकर को ढेर कर दिया
4
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: प्रशांत क्षेत्र में चीन के साथ बढ़ रहे टकराव की पृष्ठभूमि में भारत ने जापान को भरोसा दिलाया कि वह गहरे समुद्र में नौवहन की उसकी स्वतंत्रता को सुनिश्चित करने में उसके साथ है। विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद ने कहा, ‘इसमें शायद ही कोई संदेह हो कि भारत और जापान को वैश्विक स्तर की सुरक्षा सुनिश्चित करने में सहयोग करना चाहिए। इसमें गहरे समुद्र में नौवहन की स्वतंत्रता भी शामिल है जो दोनों देशों के लिए निर्णायक है क्योंकि दोनों बड़ी मात्रा में तेल और गैस का आयात करते हैं।’ उन्होंने कहा, ‘मुझे स्पष्ट रूप से कहने दीजिए कि भारत इन लक्ष्यों और उद्देश्यों के कार्यान्वयन को लेकर जापान और समान सोच वाले अन्य देशों के साथ खड़ा है।’टिप्पणियां खुर्शीद ने रिकियो विश्वविद्यालय में संबोधन के दौरान यह टिप्पणी की। वह यहां सातवें ‘भारत-जापान रणनीतिक संवाद’ की सह-अध्यक्षता करने के लिए आए हैं। जापान की तरफ से वहां के विदेश मंत्री फुमिया किशिदा इस संवाद में शामिल होंगे। भारतीय विदेश मंत्री का यह बयान उस वक्त आया है कि जब पूर्वी चीन सागर में जापान और चीन के बीच जलक्षेत्र संबंधी विवाद चल रहा है। चीन दक्षिणी चीन सागर में वियतनाम और फिलीपीन के साथ भी इसी तरह के विवाद में है। विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद ने कहा, ‘इसमें शायद ही कोई संदेह हो कि भारत और जापान को वैश्विक स्तर की सुरक्षा सुनिश्चित करने में सहयोग करना चाहिए। इसमें गहरे समुद्र में नौवहन की स्वतंत्रता भी शामिल है जो दोनों देशों के लिए निर्णायक है क्योंकि दोनों बड़ी मात्रा में तेल और गैस का आयात करते हैं।’ उन्होंने कहा, ‘मुझे स्पष्ट रूप से कहने दीजिए कि भारत इन लक्ष्यों और उद्देश्यों के कार्यान्वयन को लेकर जापान और समान सोच वाले अन्य देशों के साथ खड़ा है।’टिप्पणियां खुर्शीद ने रिकियो विश्वविद्यालय में संबोधन के दौरान यह टिप्पणी की। वह यहां सातवें ‘भारत-जापान रणनीतिक संवाद’ की सह-अध्यक्षता करने के लिए आए हैं। जापान की तरफ से वहां के विदेश मंत्री फुमिया किशिदा इस संवाद में शामिल होंगे। भारतीय विदेश मंत्री का यह बयान उस वक्त आया है कि जब पूर्वी चीन सागर में जापान और चीन के बीच जलक्षेत्र संबंधी विवाद चल रहा है। चीन दक्षिणी चीन सागर में वियतनाम और फिलीपीन के साथ भी इसी तरह के विवाद में है। खुर्शीद ने रिकियो विश्वविद्यालय में संबोधन के दौरान यह टिप्पणी की। वह यहां सातवें ‘भारत-जापान रणनीतिक संवाद’ की सह-अध्यक्षता करने के लिए आए हैं। जापान की तरफ से वहां के विदेश मंत्री फुमिया किशिदा इस संवाद में शामिल होंगे। भारतीय विदेश मंत्री का यह बयान उस वक्त आया है कि जब पूर्वी चीन सागर में जापान और चीन के बीच जलक्षेत्र संबंधी विवाद चल रहा है। चीन दक्षिणी चीन सागर में वियतनाम और फिलीपीन के साथ भी इसी तरह के विवाद में है। भारतीय विदेश मंत्री का यह बयान उस वक्त आया है कि जब पूर्वी चीन सागर में जापान और चीन के बीच जलक्षेत्र संबंधी विवाद चल रहा है। चीन दक्षिणी चीन सागर में वियतनाम और फिलीपीन के साथ भी इसी तरह के विवाद में है।
यह एक सारांश है: प्रशांत क्षेत्र में चीन के साथ बढ़ रहे टकराव की पृष्ठभूमि में भारत ने जापान को भरोसा दिलाया कि वह गहरे समुद्र में नौवहन की उसकी स्वतंत्रता को सुनिश्चित करने में उसके साथ है।
9
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: नोटबंदी ने देश के विपक्ष को एक मंच पर ला दिया है और एकजुटता के एक दुर्लभ मुजाहिरे के तौर पर 10 बड़े विपक्षी दलों ने आपस में हाथ मिलाते हुए इस मुद्दे पर संसद और उसके बाहर सरकार को घेरने का निश्चय किया है. वहीं, दूसरी ओर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 500 और 1000 के नोट बंद करने के बाद हुए प्रभाव की एक और समीक्षा के लिए सोमवार को वित्तमंत्री से मुलाकात की. कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि बैंक कुछ चुनिंदा लोगों के लिए पिछले दरवाजों से नकद दे रहे हैं जबकि गरीबों को कतारों में खड़ा कराया जाता है. सरकार के नोटबंदी के फैसले के खिलाफ साझा मंच पर खड़े तृणमूल कांग्रेस, जनता दल यूनाईटेड (जदयू), बसपा, माकपा, भाकपा, राकांपा, झामुमो और द्रमुक ने सरकार पर प्रहार करने के उद्देश्य से साझी कार्ययोजना तैयार करने के लिए आज सुबह राष्ट्रीय राजधानी में एक बैठक की. सूत्रों ने बताया कि इन दलों के नेता वर्तमान शीतकालीन सत्र में संसद के शुरू होने से पहले हर सुबह ऐसी रणनीति बैठक करेंगे. यह तय किया गया कि इन दस दलों के सांसद बुधवार को संसद परिसर में गांधीजी की प्रतिमा के सामने धरना देंगे. उसके बाद राष्ट्रपति भवन तक मार्च किया जाएगा, जिसके लिए तारीख तय की जा रही है. राहुल ने कहा कि उन्हें बताया गया है कि कुछ 'चुनिंदा लोगों' के लिए बैंकों में चुपके से पिछले दरवाजों से नकदी निकाली जा रही है जबकि आम आदमी घंटों लंबी कतारों में खड़ा है. उन्होंने सोमवार की सुबह शहर के कई एटीएम का दौरा किया और लोगों से उनकी दिक्कतों के बारे में पूछा.टिप्पणियां उन्होंने कहा, "उन्होंने कहा कि वे कतारों में खड़े हैं और सौदेबाजी हो रही है तथा पिछले दरवाजे से नकदी निकाली जा रही है. कुछ चुनिंदा लोगों को नकदीदी जा रही है. अमीरों को नकदी मिल रही है और गरीबों को कतारों में खड़ा किया जा रहा है."  (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि बैंक कुछ चुनिंदा लोगों के लिए पिछले दरवाजों से नकद दे रहे हैं जबकि गरीबों को कतारों में खड़ा कराया जाता है. सरकार के नोटबंदी के फैसले के खिलाफ साझा मंच पर खड़े तृणमूल कांग्रेस, जनता दल यूनाईटेड (जदयू), बसपा, माकपा, भाकपा, राकांपा, झामुमो और द्रमुक ने सरकार पर प्रहार करने के उद्देश्य से साझी कार्ययोजना तैयार करने के लिए आज सुबह राष्ट्रीय राजधानी में एक बैठक की. सूत्रों ने बताया कि इन दलों के नेता वर्तमान शीतकालीन सत्र में संसद के शुरू होने से पहले हर सुबह ऐसी रणनीति बैठक करेंगे. यह तय किया गया कि इन दस दलों के सांसद बुधवार को संसद परिसर में गांधीजी की प्रतिमा के सामने धरना देंगे. उसके बाद राष्ट्रपति भवन तक मार्च किया जाएगा, जिसके लिए तारीख तय की जा रही है. राहुल ने कहा कि उन्हें बताया गया है कि कुछ 'चुनिंदा लोगों' के लिए बैंकों में चुपके से पिछले दरवाजों से नकदी निकाली जा रही है जबकि आम आदमी घंटों लंबी कतारों में खड़ा है. उन्होंने सोमवार की सुबह शहर के कई एटीएम का दौरा किया और लोगों से उनकी दिक्कतों के बारे में पूछा.टिप्पणियां उन्होंने कहा, "उन्होंने कहा कि वे कतारों में खड़े हैं और सौदेबाजी हो रही है तथा पिछले दरवाजे से नकदी निकाली जा रही है. कुछ चुनिंदा लोगों को नकदीदी जा रही है. अमीरों को नकदी मिल रही है और गरीबों को कतारों में खड़ा किया जा रहा है."  (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) सूत्रों ने बताया कि इन दलों के नेता वर्तमान शीतकालीन सत्र में संसद के शुरू होने से पहले हर सुबह ऐसी रणनीति बैठक करेंगे. यह तय किया गया कि इन दस दलों के सांसद बुधवार को संसद परिसर में गांधीजी की प्रतिमा के सामने धरना देंगे. उसके बाद राष्ट्रपति भवन तक मार्च किया जाएगा, जिसके लिए तारीख तय की जा रही है. राहुल ने कहा कि उन्हें बताया गया है कि कुछ 'चुनिंदा लोगों' के लिए बैंकों में चुपके से पिछले दरवाजों से नकदी निकाली जा रही है जबकि आम आदमी घंटों लंबी कतारों में खड़ा है. उन्होंने सोमवार की सुबह शहर के कई एटीएम का दौरा किया और लोगों से उनकी दिक्कतों के बारे में पूछा.टिप्पणियां उन्होंने कहा, "उन्होंने कहा कि वे कतारों में खड़े हैं और सौदेबाजी हो रही है तथा पिछले दरवाजे से नकदी निकाली जा रही है. कुछ चुनिंदा लोगों को नकदीदी जा रही है. अमीरों को नकदी मिल रही है और गरीबों को कतारों में खड़ा किया जा रहा है."  (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) राहुल ने कहा कि उन्हें बताया गया है कि कुछ 'चुनिंदा लोगों' के लिए बैंकों में चुपके से पिछले दरवाजों से नकदी निकाली जा रही है जबकि आम आदमी घंटों लंबी कतारों में खड़ा है. उन्होंने सोमवार की सुबह शहर के कई एटीएम का दौरा किया और लोगों से उनकी दिक्कतों के बारे में पूछा.टिप्पणियां उन्होंने कहा, "उन्होंने कहा कि वे कतारों में खड़े हैं और सौदेबाजी हो रही है तथा पिछले दरवाजे से नकदी निकाली जा रही है. कुछ चुनिंदा लोगों को नकदीदी जा रही है. अमीरों को नकदी मिल रही है और गरीबों को कतारों में खड़ा किया जा रहा है."  (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) उन्होंने कहा, "उन्होंने कहा कि वे कतारों में खड़े हैं और सौदेबाजी हो रही है तथा पिछले दरवाजे से नकदी निकाली जा रही है. कुछ चुनिंदा लोगों को नकदीदी जा रही है. अमीरों को नकदी मिल रही है और गरीबों को कतारों में खड़ा किया जा रहा है."  (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
सारांश: सरकार के नोटबंदी के फैसले के खिलाफ साझा मंच पर खड़े 10 दल तृणमूल कांग्रेस, जदयू, बसपा, माकपा, भाकपा, राकांपा ने मिलाए हाथ दस दलों के सांसद बुधवार को संसद परिसर में धरना देंगे
31
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो के पूर्वी हिस्से में बसे गोमा शहर में मंगलवार को हुए एक विस्फोट में एक बच्चे की मौत हो गई है, और 32 भारतीय शांतिसैनिक घायल हो गए हैं. यह जानकारी कांगो में काम कर रहे संयुक्त राष्ट्र मिशन ने दी है. मिशन ने बताया है कि मंगलवार सुबह गोमा के पश्चिम में बसे कीशोरो में जब ये शांतिसैनिक सुबह की दौड़ के लिए निकले थे, तब यह विस्फोट हुआ. विस्फोट का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है.टिप्पणियां एक नज़दीकी मस्जिद के इमाम इस्माइल सलूमू ने कहा है कि तीन शांतिसैनिक मारे गए हैं. इमाम ने रॉयटर को बताया, "हम लोगों ने विस्फोट और चीखों की आवाज़ सुनी... तब हम भागकर वहां गए..." कांगो में संयुक्त राष्ट्र की ओर से लगभग 18,000 वर्दीधारी काम करते हैं, क्योंकि वर्ष 1996 से 2003 के बीच यहां क्षेत्रीय संघर्षों में लाखों जानें जा चुकी हैं, और दर्जनों हथियारबंद गुट अब भी सक्रिय हैं. मिशन ने बताया है कि मंगलवार सुबह गोमा के पश्चिम में बसे कीशोरो में जब ये शांतिसैनिक सुबह की दौड़ के लिए निकले थे, तब यह विस्फोट हुआ. विस्फोट का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है.टिप्पणियां एक नज़दीकी मस्जिद के इमाम इस्माइल सलूमू ने कहा है कि तीन शांतिसैनिक मारे गए हैं. इमाम ने रॉयटर को बताया, "हम लोगों ने विस्फोट और चीखों की आवाज़ सुनी... तब हम भागकर वहां गए..." कांगो में संयुक्त राष्ट्र की ओर से लगभग 18,000 वर्दीधारी काम करते हैं, क्योंकि वर्ष 1996 से 2003 के बीच यहां क्षेत्रीय संघर्षों में लाखों जानें जा चुकी हैं, और दर्जनों हथियारबंद गुट अब भी सक्रिय हैं. एक नज़दीकी मस्जिद के इमाम इस्माइल सलूमू ने कहा है कि तीन शांतिसैनिक मारे गए हैं. इमाम ने रॉयटर को बताया, "हम लोगों ने विस्फोट और चीखों की आवाज़ सुनी... तब हम भागकर वहां गए..." कांगो में संयुक्त राष्ट्र की ओर से लगभग 18,000 वर्दीधारी काम करते हैं, क्योंकि वर्ष 1996 से 2003 के बीच यहां क्षेत्रीय संघर्षों में लाखों जानें जा चुकी हैं, और दर्जनों हथियारबंद गुट अब भी सक्रिय हैं. कांगो में संयुक्त राष्ट्र की ओर से लगभग 18,000 वर्दीधारी काम करते हैं, क्योंकि वर्ष 1996 से 2003 के बीच यहां क्षेत्रीय संघर्षों में लाखों जानें जा चुकी हैं, और दर्जनों हथियारबंद गुट अब भी सक्रिय हैं.
यह एक सारांश है: डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो के गोमा शहर में हुआ विस्फोट संयुक्त राष्ट्र मिशन के मुताबिक, सुबह की दौड़ के वक्त विस्फोट हुआ मंगलवार को हुए एक विस्फोट में एक बच्चे की मौत भी हुई
9
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: अमेरिका की प्रथम महिला मिशेल ओबामा भी माइक्रोब्लॉगिंग साइट ट्विटर पर पधार चुकी हैं। ट्विटर से जुड़ने के कुछ ही घंटे में उनसे संबद्ध होने वाले लोगों यानी उनके फॉलोवर्स की संख्या 1,00,000 को पार कर गई। एटमिशेलओबामा का पहला ट्वीट था ‘‘हम आज एटमिशेलओबामा की शुरुआत से उत्साहित हैं क्योंकि अब आप प्रथम महिला मिशेल ओबामा और राष्ट्रपति के प्रचार अभियान से नए तरीके से जुड़ सकते हैं।’’टिप्पणियां दूसरे ट्वीट से स्पष्टीकरण दिया गया कि इस एकाउंट का प्रबंधन ‘ओबामा कैंपेन’ करेगा। इससे संकेत मिलता है कि इसका इस्तेमाल अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा के इस पद पर पुनर्निर्वाचन संबंधी प्रचार में किया जाएगा। अगला ट्वीट खुद मिशेल का था जिसमे लिखा था ‘‘गर्मजोशी भरे स्वागत के लिए आप सभी का धन्यवाद। आप लोगों के साथ जुड़े रहना चाहती हूं।’’ दिन के खत्म होने के समय मिशेल ने दूसरा ट्वीट किया, ‘‘कुछ ऐसी बातें जो मेरे दिल की करीब हैं: एमएलके (मार्टिन लूथर किंग: डे ऑफ सर्विस .. क्या आप सोमवार को मेरे साथ समुदायिक सेवा करेंगे?’’ मिशेल अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा के चुनाव अभियान को संभाल रहे जिम मेसिना और व्हाइट हाउस के अधिकारिक एकाउंट समेत फिलहाल मात्र पांच लोगों को फॉलो कर रही हैं। और हां, अपने पति को तो वह फॉलो कर ही रही हैं। बराक ओबामा से जुड़े लोगों की संख्या 1.1 करोड़ से अधिक है। दूसरे ट्वीट से स्पष्टीकरण दिया गया कि इस एकाउंट का प्रबंधन ‘ओबामा कैंपेन’ करेगा। इससे संकेत मिलता है कि इसका इस्तेमाल अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा के इस पद पर पुनर्निर्वाचन संबंधी प्रचार में किया जाएगा। अगला ट्वीट खुद मिशेल का था जिसमे लिखा था ‘‘गर्मजोशी भरे स्वागत के लिए आप सभी का धन्यवाद। आप लोगों के साथ जुड़े रहना चाहती हूं।’’ दिन के खत्म होने के समय मिशेल ने दूसरा ट्वीट किया, ‘‘कुछ ऐसी बातें जो मेरे दिल की करीब हैं: एमएलके (मार्टिन लूथर किंग: डे ऑफ सर्विस .. क्या आप सोमवार को मेरे साथ समुदायिक सेवा करेंगे?’’ मिशेल अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा के चुनाव अभियान को संभाल रहे जिम मेसिना और व्हाइट हाउस के अधिकारिक एकाउंट समेत फिलहाल मात्र पांच लोगों को फॉलो कर रही हैं। और हां, अपने पति को तो वह फॉलो कर ही रही हैं। बराक ओबामा से जुड़े लोगों की संख्या 1.1 करोड़ से अधिक है। अगला ट्वीट खुद मिशेल का था जिसमे लिखा था ‘‘गर्मजोशी भरे स्वागत के लिए आप सभी का धन्यवाद। आप लोगों के साथ जुड़े रहना चाहती हूं।’’ दिन के खत्म होने के समय मिशेल ने दूसरा ट्वीट किया, ‘‘कुछ ऐसी बातें जो मेरे दिल की करीब हैं: एमएलके (मार्टिन लूथर किंग: डे ऑफ सर्विस .. क्या आप सोमवार को मेरे साथ समुदायिक सेवा करेंगे?’’ मिशेल अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा के चुनाव अभियान को संभाल रहे जिम मेसिना और व्हाइट हाउस के अधिकारिक एकाउंट समेत फिलहाल मात्र पांच लोगों को फॉलो कर रही हैं। और हां, अपने पति को तो वह फॉलो कर ही रही हैं। बराक ओबामा से जुड़े लोगों की संख्या 1.1 करोड़ से अधिक है।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: मिशेल ओबामा भी ट्विटर पर पधार चुकी हैं। ट्विटर से जुड़ने के कुछ ही घंटे बाद उनके फॉलोवर्स की संख्या 1,00,000 को पार कर गई।
25
['hin']
एक सारांश बनाओ: विश्व के शीर्ष वरीयता प्राप्त स्पेनिश टेनिस खिलाड़ी राफेल नडाल क्वींस क्लब में जारी एगॉन टेनिस चैम्पियनशिप के क्वार्टर फाइनल में पहुंच गए हैं। नडाल ने शुक्रवार को खेले गए पुरुषों के एकल वर्ग के तीसरे दौर में चेक गणराज्य के गैर वरीयता प्राप्त खिलाड़ी राडेक स्टेपनेक को 6-3, 5-7, 6-1 से पराजित किया। इससे पहले, नडाल ने दूसरे दौर में आस्ट्रेलिया के क्वालीफायर खिलाड़ी मैथ्यू एब्डन को 6-4, 6-4 से शिकस्त दी थी जबकि पहले दौर में उन्हें बाई मिली थी। हाल में फ्रेंच ओपन ग्रैंड स्लैम का एकल खिताब अपने नाम करने वाले नडाल के लिए विम्बलडन से पहले ग्रास कोर्ट पर अपनी तैयारियों को अंतिम रूप देने का बढ़िया मौका है। 10 ग्रैंड स्लैम जीत चुके नडाल वर्ष 2008 में यहां चैम्पियन बने थे। उल्लेखनीय है कि नडाल ने रविवार को खेले गए पुरुषों के एकल वर्ग के खिताबी मुकाबले में 16 बार के ग्रैंड स्लैम विजेता स्विट्जरलैंड के रोजर फेडरर को हराकर फ्रेंच ओपन का एकल खिताब अपने नाम किया था।
संक्षिप्त सारांश: विश्व के शीर्ष वरीयता प्राप्त स्पेनिश टेनिस खिलाड़ी राफेल नडाल क्वींस क्लब में जारी एगॉन टेनिस चैम्पियनशिप के क्वार्टर फाइनल में पहुंच गए हैं।
8
['hin']
एक सारांश बनाओ: लोकसभा चुनाव से ठीक पहले कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं और इसी सिलसिले में वह अभी रायबरेली के दौरे पर हैं. रायबरेली में एक जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने पीएम मोदी पर हमला बोला और कहा कि पीएम मोदी ने अच्छे दिन का वादा किया था, वह अच्छे दिन कहां है? उन्होंने कहा कि चौकीदार ने साबित कर दिया कि वह चोर है. रायबरेली में पीएम मोदी पर हमला बोलते हुए राहुल गांधी ने कहा कि चौकीदार ने सबको बेवकूफ बनाया, अब नया नारा आया है. लोग कहते हैं चौकीदार चोर हो गया है. नरेंद्र मोदी का मतलब नफरत है. वह नफरत फैलाने का किंग है. साढ़े चार साल में चौकीदार चोर कैसे हो गया यह बड़ा सवाल है. किसान अपने पसीने से फसल उगाए लेकिन पीएम मोदी और उनकी सरकार उनका कर्ज माफ नहीं करेंगे. राहुल गांधी ने कहा कि आप इस बात को याद रखो आपका एक सिपाही एक नहीं दो... एक नहीं अब तीन सिपाही हैं और आपके लिए देश में काम कर रहे हैं. उन्होंने आगे कहा कि मैंने प्रियंका से कह दिया है कि जैसे ही जनरल सेक्रेटरी बनेगी उसको यहां आकर आपके दर्शन करने हैं.  उन्होंने आगे कहा कि सरकार कहती है हमारे पास पैसा नहीं है. हमनें एमपी, राजस्थान, छत्तीसगढ़ में दस दिन के अंदर किसानों का कर्ज माफ किया. हमनें चुनाव में वादा किया था वह दो दिन के अंदर ही पूरा कर दिया. पीएम मोदी ने 15 से 20 उद्योगपतियों का साढ़े तीन लाख करोड़ रुपये माफ किया है. वो पैसा आपका था. वह अमेठी, यूपी, और देश के अन्य युवाओं का पैसा था. नरेंद्र मोदी जी के साथ साठगांठ करके उद्योगपति अपना कर्जा माफ कराते हैं. पूरे देश में मनरेगा चलाने के लिए 35 हजार करोड़ रुपये लगते हैं, पीएम मोदी ने एक साल का मनरेगा का पैसा नरीव मोदी के नाम किया. वह 30 हजार करोड़ रुपये लेकर भाग गया.  राहुल गांधी ने राफेल पर भी मोदी सरकार को घेरा और कहा कि राफेल मामले में सरकार ने जमकर भ्रष्टाचार किया. मोदी सरकार ने अपने हिसाब से फाइटर जेट का दाम बढ़ाया. फ्रांस के राष्ट्रपति ने कहा कि वह (मोदी) फ्रांस आए और उनसे मिले और कहा कि आप अगर हमें फाइटर जेट बेचना चाहते हैं तो अनिल अंबानी को ठेका दे दो. पर्रिकर कहते हैं हमें कुछ नहीं पता. यानी रक्षा मंत्रालय से पूछे बगैर पीएम मोदी ने दुनिया का सबसे बड़ी डील किया. उन्होंने अपने से ही राफेल की कीमत बदली.  उन्होंने आगे कहा कि सीबीआई के डायरेक्टर कहता है कि मैं जांच करूंगा. चौकीदार ने चोरी की मैं जांच करूंगा. लेकिन पीएम मोदी ने डेढ़ बजे रात को ऑर्डर लिखते हैं कि सीबीआई डायरेक्टर को निकालो. उनका ऑफिस रातोंरात सील किया जाता है. पीएम मोदी ने खुलेआम दिन में चोरी की. जो कार्रवाई करने जा रहा है उसे डेढ़ बजे रात में निकाला जाता है. सुप्रीम कोर्ट ने कहा यह गलत हुआ. फिर से उसे डायरेक्टर बनाया जाता है. दो घंटे के अंदर फिर से मीटिंग बुलाई जाती है. आखिर इतनी जल्दी क्यों. क्योंकि चौकीदार चोर है. यह हर युवा समझ गया है.  नोटबंदी पर राहुल गांधी ने कहा नोटबंदी के दौर में क्या अनील अंबानी व मेहुल चौकसी खड़े थे क्या? उस लाइन में सिर्फ इमानदार लोग, किसान, मजदूर, महिलाएं खड़ी थीं. आपके जेब से पैसे निकालकर नरेंद्र मोदी ने सीधे नीरव मोदी व अनिल अंबानी को दिया है. जो कर्जा माफ हुआ वह आपका पैसा था. जीएसटी में हमने एक जीएसटी की बात कही थी लेकिन इन्होंने पांच जीएसटी लगाई. क्योंकि इन्हें दलाली करनी थी. आज छोटे उद्योग औऱ दुकानदार मर रहे है. हिन्दुस्तान की अर्थव्यवस्था को ही हिला कर रख दिया. यह छोटे कारोबारियों को खत्म करना चाहते हैं. यह चाहते हैं कि आप सभी लोग अनिल अंबानी के लिए काम करो. आपको एक दिन में नौकरी से निकाल दिया जाए. दो करोड़ को रोजगार देने की बात कही थी. लेकिन किसी को रोजगार नहीं दिया कहा कि पकौड़े बेचो. राहुल गांधी ने कहा कि रेलवे लाइन, फूड पार्क सबको मोदी ने हटाया. एमपी में छत्तीसगढ़ में काम शुरू हो गया है. यहां हम किसानों के खेत के पास आलू की फैक्ट्री, टमाटर के खेत के पास टमाटर की प्रोसेसिंग करने वाली फैक्ट्री लगा रहे हैं. मैंने प्रियंका और ज्योतिरादित्य से कहा कि हमें यूपी में अगले चुनाव में बीजेपी को हराना है. मैं कभी बीजेपी मुक्त भारत की बात नहीं कहूंगा. लेकिन हम आपको चुनाव में हराएंगे. हम नफरत की राजनीति नहीं करते हैं. हमें अपनी जगह बनानी है इसलिए हम अपनी लड़ाई लड़ेंगे. कांग्रेस पार्टी हर जगह दम लगाकर फ्रंट फूट पर खेलेगी. यूपी विधानसभा चुनाव में यहां कांग्रेस की सरकार बनेगी. लोकसभा में हम पूरे दम से लड़ेंगे.  उन्होंने आगे कहा कि मैं अमेठी की जनता से कहना चाहता हूं कि आपका हमारा पारिवारिक रिश्ता है, न की राजनीतिक. मैं आपको बोलना चाहता हूं कि आपके तीन सिपाही देश के लिए काम कर रहे हैं. हम अपनी सरकार बनते ही आपको फूड पार्क व अन्य जो भी चीजें आप चाहें वह हम देंगे. मोदी भगवान का नाम लेकर झूठ बोलते हैं. वह भगवान का नाम लेते हैं और झूठ बोलते हैं. मैं कहता है अमेठी में फूड पार्क 101 फीसदी आएगा. आपका विकास का काम हम करेंगे. मोदी जी और योगी जी ने जो काम बीते पांच साल से रोक रखा है वह का हम करेंगे. बस अगली बार एक काम करना जब बीजेपी के लोग जब आए तो उनसे कहना है आपका पीएम ने 30 हजार करोड़ रुपये की चोरी की है.
राहुल गांधी ने रायबरेली में साधा पीएम पर निशाना 'हमने किसानों के कर्जमाफ किए, उन्होंने उद्योगपतियों के' 'जिनका वादा किया गया था, वे अच्छे दिन कहां हैं?'
26
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: देश के शेयर बाजारों में शुक्रवार को तेजी का रुख रहा। प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 179.75 अंकों की तेजी के साथ 20,103.53 पर, और निफ्टी 55.30 अंकों की तेजी के साथ 6,074.65 पर बंद हुआ।      बम्बई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का 30 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 21.91 अंकों की तेजी के साथ 19,945.69 पर खुला और 179.75 अंकों यानी 0.90 फीसदी की तेजी के साथ 20,103.53 पर बंद हुआ। दिनभर के कारोबार में सेंसेक्स ने 20,129.01 के ऊपरी और 19,928.11 के निचले स्तर को छुआ। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक निफ्टी 5.15 अंकों की तेजी के साथ 6,024.50 पर खुला और 55.30 अंकों यानी 0.92 फीसदी की तेजी के साथ 6,074.65 पर बंद हुआ। दिनभर के कारोबार में निफ्टी ने 6,080.55 के ऊपरी और 6,014.45 के निचले स्तर को छुआ।टिप्पणियां बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी तेजी दर्ज की गई। मिडकैप सूचकांक 125.55 अंकों की तेजी के साथ 6,974.23 पर और स्मॉलकैप 72.87 अंकों की तेजी के साथ 7,142.71 पर बंद हुआ। बीएसई के सभी 13 सेक्टरों में तेजी दर्ज की गई। रियल्टी (4.42 फीसदी), वाहन (2.19 फीसदी), उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु (1.71), धातु (1.56 फीसदी) और स्वास्थ्य सेवा (1.50 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी दर्ज की गई।  बम्बई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का 30 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 21.91 अंकों की तेजी के साथ 19,945.69 पर खुला और 179.75 अंकों यानी 0.90 फीसदी की तेजी के साथ 20,103.53 पर बंद हुआ। दिनभर के कारोबार में सेंसेक्स ने 20,129.01 के ऊपरी और 19,928.11 के निचले स्तर को छुआ। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक निफ्टी 5.15 अंकों की तेजी के साथ 6,024.50 पर खुला और 55.30 अंकों यानी 0.92 फीसदी की तेजी के साथ 6,074.65 पर बंद हुआ। दिनभर के कारोबार में निफ्टी ने 6,080.55 के ऊपरी और 6,014.45 के निचले स्तर को छुआ।टिप्पणियां बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी तेजी दर्ज की गई। मिडकैप सूचकांक 125.55 अंकों की तेजी के साथ 6,974.23 पर और स्मॉलकैप 72.87 अंकों की तेजी के साथ 7,142.71 पर बंद हुआ। बीएसई के सभी 13 सेक्टरों में तेजी दर्ज की गई। रियल्टी (4.42 फीसदी), वाहन (2.19 फीसदी), उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु (1.71), धातु (1.56 फीसदी) और स्वास्थ्य सेवा (1.50 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी दर्ज की गई।  नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक निफ्टी 5.15 अंकों की तेजी के साथ 6,024.50 पर खुला और 55.30 अंकों यानी 0.92 फीसदी की तेजी के साथ 6,074.65 पर बंद हुआ। दिनभर के कारोबार में निफ्टी ने 6,080.55 के ऊपरी और 6,014.45 के निचले स्तर को छुआ।टिप्पणियां बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी तेजी दर्ज की गई। मिडकैप सूचकांक 125.55 अंकों की तेजी के साथ 6,974.23 पर और स्मॉलकैप 72.87 अंकों की तेजी के साथ 7,142.71 पर बंद हुआ। बीएसई के सभी 13 सेक्टरों में तेजी दर्ज की गई। रियल्टी (4.42 फीसदी), वाहन (2.19 फीसदी), उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु (1.71), धातु (1.56 फीसदी) और स्वास्थ्य सेवा (1.50 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी दर्ज की गई।  बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी तेजी दर्ज की गई। मिडकैप सूचकांक 125.55 अंकों की तेजी के साथ 6,974.23 पर और स्मॉलकैप 72.87 अंकों की तेजी के साथ 7,142.71 पर बंद हुआ। बीएसई के सभी 13 सेक्टरों में तेजी दर्ज की गई। रियल्टी (4.42 फीसदी), वाहन (2.19 फीसदी), उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु (1.71), धातु (1.56 फीसदी) और स्वास्थ्य सेवा (1.50 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी दर्ज की गई।  बीएसई के सभी 13 सेक्टरों में तेजी दर्ज की गई। रियल्टी (4.42 फीसदी), वाहन (2.19 फीसदी), उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु (1.71), धातु (1.56 फीसदी) और स्वास्थ्य सेवा (1.50 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी दर्ज की गई।
देश के शेयर बाजारों में शुक्रवार को तेजी का रुख रहा। प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 179.75 अंकों की तेजी के साथ 20,103.53 पर, और निफ्टी 55.30 अंकों की तेजी के साथ 6,074.65 पर बंद हुआ।
6
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: पाकिस्तान के पश्चिमोत्तर क्षेत्र में मर्दान स्थित सैन्य प्रशिक्षण केंद्र में एक परेड के दौरान एक स्कूली किशोर द्वारा किए गए आत्मघाती विस्फोट में 31 सैनिकों की मौत हो गई और 40 अन्य घायल हो गए। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी अब्दुल्ला खान ने सेना के पंजाब रेजिमेंटल केंद्र में गुरुवार तड़के हुए हमले का ब्यौरा देते हुए बताया, यह एक आत्मघाती हमला था। किशोर हमलावर पैदल आया था और वह स्कूली पोशाक पहने हुए था। उन्होंने बताया कि इस हमले में पाकिस्तानी सेना के 31 जवानों की मौत हो गई और 40 अन्य घायल हो गए, जिनमें से ज्यादातर की हालत गंभीर है। सेना के एक प्रवक्ता ने इस घटना की पुष्टि की है। पुलिस ने बताया कि कुछ घायलों की हालत गंभीर है और मृतकों की संख्या में बढ़ोतरी हो सकती है। पंजाब रेजिमेंटल केंद्र पर किया गया यह हमला पाकिस्तानी सेना पर हुए सबसे भीषण हमलों में से एक है। यह रेजिमेंट अफगानिस्तान की सीमा से सटे अशांत खबर पख्तूनख्वा प्रांत में पिछले दो साल से तालिबान को खदेड़ने के अभियान में लगी हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि विस्फोटकों को संभवत: एक स्कूल बैग में लाया गया था, यह विस्फोटक इतना विनाशकारी था कि इसने परेड में शामिल सैनिकों के चिथड़े उड़ा दिए।पाकिस्तानी तालिबान ने हमले की जिम्मेदारी लेते हुए दावा किया यह कबायली क्षेत्रों में अमेरिकी ड्रोन हमलों और पाकिस्तानी सेना की कार्रवाई का प्रतिशोध है। हमलावर की पहचान को लेकर विरोधाभासी खबरें मिल रही हैं। पुलिस और सैन्य अधिकारियों का कहना है कि हमला स्कूली किशोर द्वारा किया गया, लेकिन तालिबान का दावा है कि यह एक सैनिक का काम था, जिसने अपना पाला बदल लिया था। पुलिस ने बताया कि घटनास्थल पर क्षत-विक्षत शव को देखने से यह संकेत मिलता है कि हमलावर की उम्र 15 साल के आसपास थी। बहरहाल, यह फिलहाल स्पष्ट नहीं है कि हमलावर किस तरह से इस कड़ी सुरक्षा वाले इलाके में घुसने में कामयाब हुआ। गौरतलब है कि 2006 में भी यहां एक हमला हुआ था, जिसमें 35 सैनिकों की मौत हो गई थी। सैनिकों ने इलाके की नाकेबंदी कर दी है और यहां तक कि पुलिसकर्मियों एवं मीडिया कर्मियों को भी वहां पहुंचने में मुश्किल हो रही है। सेना के स्थानीय अस्पताल ने आपातस्थिति की घोषणा की है। सेना ने राहत कार्य खुद अपने हाथों में संभाल रखा है। असैन्य बचाव एजेंसियों और मीडिया को घटनास्थल पर जाने की इजाजत नहीं दी जा रही है। इस बीच, राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी और प्रधानमंत्री यूसुफ रजा गिलानी ने इस हमले की निंदा की है। उन्होंने कहा, इस तरह के कायराना हमले सुरक्षा एजेंसियों के मनोबल पर असर नहीं डाल सकते हैं।
मर्दान स्थित सैन्य प्रशिक्षण केंद्र में परेड के दौरान एक किशोर द्वारा किए गए आत्मघाती विस्फोट में 31 सैनिकों की मौत हो गई और 40 अन्य घायल हो गए।
6
['hin']
एक सारांश बनाओ: बिहार में सत्तारूढ़ जनता दल-युनाइटेड (जद-यू) गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के उपवास से न केवल दूरी बनाए हुए है, बल्कि 2014 के आम चुनाव में उन्हें प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के रूप में पेश किए जाने के खिलाफ आवाज बुलंद की है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार हालांकि मीडिया के बार-बार प्रयास के बावजूद राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के बारे में स्वयं कुछ भी कहने से अब तक बचते रहे हैं। बिहार जद-यू के अध्यक्ष बशिष्ठ नारायण सिंह ने रविवार को कहा, "मोदी के उपवास से हमारा कोई लेना-देना नहीं है। यह भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का प्रदर्शन है, राजग का नहीं।" सिंह ने कहा कि नीतीश कुमार ने राष्ट्रव्यापी स्वीकार्यता और लोकप्रियता हासिल की है। मोदी को भविष्य के प्रधानमंत्री के रूप में प्रस्तावित किए जाने के मुद्दे पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए सिंह ने कहा, "जहां तक विकास, सद्भावना और बेहतरी के लिए परिवर्तन लाने का सवाल है, नीतीश कुमार शीर्ष पर हैं। नीतीश मॉडल की देश में और बाहर चर्चा होती है।" एक अन्य जद-यू नेता शिवानंद तिवारी मोदी की छवि पर सीधा प्रश्नचिह्न् लगाते हुए कहते हैं कि एक व्यक्ति जो अपने राज्य के लोगों के साथ 'राजधर्म निभाने में विफल' रहा हो, वह देश के 125 करोड़ लोगों के साथ राजधर्म निभाएगा, यह संभव नहीं लगता। तिवारी ने कहा, "मोदी गुजरात में 2002 के दंगे में राजधर्म निभाने में विफल रहे हैं।" उन्होंने कहा कि गुजरात के लोगों के मन में अभी तक असुरक्षा-बोध है। पार्टी के सांसद एवं राष्ट्रीय प्रवक्ता ने कहा कि मोदी राजग के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के रूप में स्वीकार्य नहीं हैं। उन्होंने रविवार को आईएएनएस से कहा, "मोदी भाजपा के लिए किसी भी पद के उम्मीदवार हो सकते हैं लेकिन राजग के नहीं।" जद-यू सांसद अली अनवर ने कहा कि मोदी राजग का चेहरा नहीं बन सकते। उन्होंने कहा, "भाजपा उन्हें किसी भी रूप में पेश करने के लिए स्वतंत्र है लेकिन जहां तक राजग का सवाल है, मोदी हमारा चेहरा नहीं हैं।" एक राजनीतिक जानकार ने कहा कि बिहार का जद-यू नीतीश कुमार की सहमति के बिना एक कदम नहीं बढ़ाता है। उन्होंने कहा, "यदि जद-यु के नेता मोदी के खिलाफ बोल रहे हैं तो इसका मतलब है कि वे कुमार का समर्थन कर रहे हैं।" इससे पूर्व, जद-यू के राष्ट्रीय अध्यक्ष शरद यादव ने कहा कि प्रतिदिन देश के 70 से 80 फीसदी लोग भूखे रहते हैं लेकिन उनके बारे में कोई चर्चा नहीं करता। किसी का व्यक्तिगत उपवास राष्ट्रीय बहस का मुद्दा बन जाता है जो अफसोस की बात है। उल्लेखनीय है कि जद-यू हमेशा से राज्य के मुस्लिम मतदाताओं को अपने पक्ष में करने के प्रयास में रहा है। इस दल ने 2009 के लोकसभा और 2010 के विधानसभा चुनाव के दौरान प्रचार के लिए मोदी के बिहार में आने का कड़ा विरोध किया था।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: जद-यू मोदी के उपवास से न केवल दूरी बनाए हुए है, बल्कि अगले चुनाव में उन्हें पीएम के रूप में पेश किए जाने के खिलाफ आवाज भी बुलंद की है।
32
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: इस वर्ष मई में अमेरिका का व्यापार घाटा 15.1 फीसदी बढ़कर 50.2 अरब डॉलर हो गया, जो अक्टूबर 2008 के बाद से सबसे ज्यादा है। अमेरिकी वाणिज्य विभाग ने मंगलवार को बताया कि अप्रैल में व्यापार घाटा 43.6 अरब डॉलर था और अधिकत्तर विशेषज्ञों ने मई में इसके 44.5 अरब डॉलर तक पहुंचने का अनुमान लगाया था। मई में अमेरिकी आयात 2.6 फीसदी बढ़कर 225.1 अरब डॉलर हो गया जबकि निर्यात में 0.5 फीसदी की कमी आई यह 174.9 अरब डॉलर रहा। वर्ष 2011 के पहले पांच महीनों में कुल व्यापार घाटा 234.65 अरब डॉलर रहा जो वर्ष 2010 की समान अवधि में 203.28 अरब डॉलर था। वर्ष 2008 के मध्य के बाद से तेल कीमत अपने उच्च स्तर पर है जिस कारण अमेरिकी आयात पर इसका प्रतिकूल असर पड़ा है। मंगलवार को जारी रिपोर्ट में कहा गया है कि मई में आयातित कच्चे तेल की कीमत 5.52 डॉलर प्रति बैरल बढ़कर 108.70 डॉलर हो गई थी। अमेरिकी तेल आयात का बिल अप्रैल के 26.03 अरब डॉलर से बढ़कर मई में 29.92 अरब डॉलर तक पहुंच गया।
संक्षिप्त पाठ: इस वर्ष मई में अमेरिका का व्यापार घाटा 15.1 फीसदी बढ़कर 50.2 अरब डॉलर हो गया, जो अक्टूबर 2008 के बाद से सबसे ज्यादा है।
13
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और संप्रग अध्यक्ष सोनिया गांधी ने मंगलवार को आध्यात्मिक गुरु सत्य साईं बाबा की पार्थिव देह के अंतिम दर्शन कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। सिंह और सोनिया आध्यात्मिक नेता की शीशे में बंद पार्थिव देह के समक्ष मौन खड़े थे और दोनों ने उनके चरणों में पुष्प अर्पित किए। सिंह और सोनिया साई कुलवंत हॉल में कुछ मिनट के लिए बैठे। सत्य साईं बाबा का रविवार को निधन हो गया था। सिंह और सोनिया जब यहां पहुंचे तो सत्य साईं बाबा के अनुयायी भजन गा रहे थे। उनके साथ केंद्रीय मंत्री अम्बिका सोनी भी थीं। तीनों नेता यहां विशेष विमान से पहुंचे और सीधे प्रशांति नीलयम गए जहां के साईं कुलवंत हॉल में सत्य साईं बाबा का पार्थिव रखा गया है। इससे पहले, दोपहर को ही पुट्टपर्थी पहुंचे आंध्र प्रदेश के राज्यपाल ईएसएल नरसिम्हन और मुख्यमंत्री एन किरण कुमार रेड्डी ने सिंह तथा सोनिया की हवाई अड्डे पर अगवानी की और उनके साथ साई कुलवंत हॉल पहुंचे। सत्य साईं बाबा को बुधवार की सुबह नौ से साढ़े नौ बजे के बीच पूरे राजकीय सम्मान के साथ दफनाया जाएगा। अधिकारियों के अनुसार, राज्यपाल और मुख्यमंत्री पुट्टपर्थी में ही ठहरेंगे और अंतिम संस्कार के दौरान उपस्थित रहेंगे।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: मनमोहन सिंह और संप्रग अध्यक्ष सोनिया गांधी ने आध्यात्मिक गुरु सत्य साईं बाबा की पार्थिव देह के अंतिम दर्शन कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
11
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: देश में महापालिकाओं के इतिहास में शायद पहली बार किसी म्युनिसिपल कमिश्नर के खिलाफ लगभग सारे दल एकमत हुए. उनके खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पारित हुआ. मामला नवी मुंबई के म्युनिसिपल कमिश्नर तुकाराम मुंडे का है, जिनके खिलाफ बीजेपी को छोड़ कांग्रेस-एनसीपी-शिवसेना सब लामबंद हुए. अब फैसला मुख्यमंत्री को करना है. वैसे मुंडे के समर्थन में बड़ी तादाद में स्थानीय लोगों ने मुहिम छेड़ दी है. मंगलवार को हालात ऐसे बने की अविश्वास प्रस्ताव पर मतदान के दौरान नवी मुंबई नगर निगम (एनएमएमसी) मुख्यालय के आसपास धारा 144 लगानी पड़ी. अंदर बीजेपी को छोड़ सारे पार्षद उनके खिलाफ खड़े हुए. अविश्वास प्रस्ताव छह के मुकाबले 105 मतों से पास हो गया. एनएमएमसी के मेयर सुधाकर सोनावणे का कहना था "ये लोकतंत्र को नहीं मानते हैं. यहां पर सदन में जो निर्णय होते हैं उसे वो खारिज करते रहते हैं. मेयर का कोई सम्मान नहीं.. पार्षद का कोई सम्मान नहीं. ऐसा अधिकारी शहर के लिए ठीक नहीं.   मुंडे दस सालों में आठ तबादले झेल चुके हैं. बतौर सोलापुर क्लेक्टर उन्होंने रेत और भूमाफिया के खिलाफ कार्रवाई की, लेकिन वहां भी प्रणिति शिंदे से लेकर तमाम दिग्गज मुंडे के खिलाफ खड़े थे. एनएमएमसी में अपने कार्यकाल के दौरान भ्रष्टाचार के आरोपों में मुंडे डिप्टी म्युनिसिपल कमिश्नर सहित दस अधिकारियों को सस्पेंड कर चुके हैं. 2012 के बाद गांवठन में बने अवैध निर्माणों को मुंडे के कार्यकाल में तोड़ गया. अपने वोट बैंक को बचाने हर पार्टी ने इसका जमकर विरोध किया. शहर में बंद भी रखा. मुंडे के कार्यकाल के पहले तीन महीनों में 1,916 अवैध फेरीवालों, 1,801 अवैध निर्माणों और 1,010 होर्डिंग्स को तोड़ा गया. 2,492 कारोबारी निर्माण पर ओसी न होने और एमआरटीपी एक्ट के उल्लंघन की वजह से जुर्माना भी लगाया गया. इलाके की बीजेपी विधायक के बंगले के अवैध निर्माण पर भी उन्होंने नोटिस थमाया.टिप्पणियां लेकिन पार्षदों का आरोप है कि मुंडे सिर्फ खुद को ईमानदार समझते हैं, बाकी सबको बेईमान. शिवसेना के पार्षद संजू वाडे ने कहा कि "शिवेसना-एनसीपी-कांग्रेस ने मिलकर अविश्वास प्रस्ताव को समर्थन दिया. मुंडेशाही का जो काम है, वो जब से आए हैं, तबसे जो काम कर रहे हैं, झोपड़े तोड़े, लोगों को सस्पेंड किया. ऐसे करके शहर को बदनाम किया". इस विवाद पर मुंडे का कहना है उन्होंने वही किया जो कानून के दायरे में है. शासन ने उन्हें जो ज़िम्मेदारी दी है वो उसे निभाएंगे. मुंडे के खिलाफ कई बीजेपी के भी कई मंत्री, नेता खड़े हैं. वैसे इस अविश्वास प्रस्ताव पर आखिरी फैसला मुख्यमंत्री को ही लेना है. मंगलवार को हालात ऐसे बने की अविश्वास प्रस्ताव पर मतदान के दौरान नवी मुंबई नगर निगम (एनएमएमसी) मुख्यालय के आसपास धारा 144 लगानी पड़ी. अंदर बीजेपी को छोड़ सारे पार्षद उनके खिलाफ खड़े हुए. अविश्वास प्रस्ताव छह के मुकाबले 105 मतों से पास हो गया. एनएमएमसी के मेयर सुधाकर सोनावणे का कहना था "ये लोकतंत्र को नहीं मानते हैं. यहां पर सदन में जो निर्णय होते हैं उसे वो खारिज करते रहते हैं. मेयर का कोई सम्मान नहीं.. पार्षद का कोई सम्मान नहीं. ऐसा अधिकारी शहर के लिए ठीक नहीं.   मुंडे दस सालों में आठ तबादले झेल चुके हैं. बतौर सोलापुर क्लेक्टर उन्होंने रेत और भूमाफिया के खिलाफ कार्रवाई की, लेकिन वहां भी प्रणिति शिंदे से लेकर तमाम दिग्गज मुंडे के खिलाफ खड़े थे. एनएमएमसी में अपने कार्यकाल के दौरान भ्रष्टाचार के आरोपों में मुंडे डिप्टी म्युनिसिपल कमिश्नर सहित दस अधिकारियों को सस्पेंड कर चुके हैं. 2012 के बाद गांवठन में बने अवैध निर्माणों को मुंडे के कार्यकाल में तोड़ गया. अपने वोट बैंक को बचाने हर पार्टी ने इसका जमकर विरोध किया. शहर में बंद भी रखा. मुंडे के कार्यकाल के पहले तीन महीनों में 1,916 अवैध फेरीवालों, 1,801 अवैध निर्माणों और 1,010 होर्डिंग्स को तोड़ा गया. 2,492 कारोबारी निर्माण पर ओसी न होने और एमआरटीपी एक्ट के उल्लंघन की वजह से जुर्माना भी लगाया गया. इलाके की बीजेपी विधायक के बंगले के अवैध निर्माण पर भी उन्होंने नोटिस थमाया.टिप्पणियां लेकिन पार्षदों का आरोप है कि मुंडे सिर्फ खुद को ईमानदार समझते हैं, बाकी सबको बेईमान. शिवसेना के पार्षद संजू वाडे ने कहा कि "शिवेसना-एनसीपी-कांग्रेस ने मिलकर अविश्वास प्रस्ताव को समर्थन दिया. मुंडेशाही का जो काम है, वो जब से आए हैं, तबसे जो काम कर रहे हैं, झोपड़े तोड़े, लोगों को सस्पेंड किया. ऐसे करके शहर को बदनाम किया". इस विवाद पर मुंडे का कहना है उन्होंने वही किया जो कानून के दायरे में है. शासन ने उन्हें जो ज़िम्मेदारी दी है वो उसे निभाएंगे. मुंडे के खिलाफ कई बीजेपी के भी कई मंत्री, नेता खड़े हैं. वैसे इस अविश्वास प्रस्ताव पर आखिरी फैसला मुख्यमंत्री को ही लेना है. लेकिन पार्षदों का आरोप है कि मुंडे सिर्फ खुद को ईमानदार समझते हैं, बाकी सबको बेईमान. शिवसेना के पार्षद संजू वाडे ने कहा कि "शिवेसना-एनसीपी-कांग्रेस ने मिलकर अविश्वास प्रस्ताव को समर्थन दिया. मुंडेशाही का जो काम है, वो जब से आए हैं, तबसे जो काम कर रहे हैं, झोपड़े तोड़े, लोगों को सस्पेंड किया. ऐसे करके शहर को बदनाम किया". इस विवाद पर मुंडे का कहना है उन्होंने वही किया जो कानून के दायरे में है. शासन ने उन्हें जो ज़िम्मेदारी दी है वो उसे निभाएंगे. मुंडे के खिलाफ कई बीजेपी के भी कई मंत्री, नेता खड़े हैं. वैसे इस अविश्वास प्रस्ताव पर आखिरी फैसला मुख्यमंत्री को ही लेना है. इस विवाद पर मुंडे का कहना है उन्होंने वही किया जो कानून के दायरे में है. शासन ने उन्हें जो ज़िम्मेदारी दी है वो उसे निभाएंगे. मुंडे के खिलाफ कई बीजेपी के भी कई मंत्री, नेता खड़े हैं. वैसे इस अविश्वास प्रस्ताव पर आखिरी फैसला मुख्यमंत्री को ही लेना है.
संक्षिप्त सारांश: मामला नवी मुंबई के म्युनिसिपल कमिश्नर तुकाराम मुंडे का है. उनके खिलाफ बीजेपी को छोड़ कांग्रेस-एनसीपी-शिवसेना सब लामबंद हुए. अब फैसला मुख्यमंत्री को करना है.
23
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: माल्या ने अदालत के बाहर पत्रकारों को बताया, 'मैं किसी अदालत से नहीं बच रहा... अपना पक्ष साबित करने के लिए मेरे पास पर्याप्त सबूत हैं'. अपने बेटे सिद्धार्थ माल्या, एक महिला साथी और कुछ समर्थकों के साथ अदालत पहुंचे माल्या ने कहा, 'मैं मीडिया में कोई बयानबाजी नहीं करता, क्योंकि मैं जो कुछ कहता हूं उसे तोड़-मरोड़ दिया जाता है'. माल्या को स्कॉटलैंड यार्ड ने अप्रैल में गिरफ्तार किया था और उसके बाद से वह जमानत पर हैं. उनकी जमानत चार दिसंबर तक बढ़ा दी गई है. माना जा रहा है कि मामले की अंतिम सुनवाई चार दिसंबर को ही होगी. माल्या ने दावा किया कि कोई कर्ज कहीं और खर्च नहीं किया गया.टिप्पणियां उन्होंने पत्रकारों को बताया, 'आप एक अरब पाउंड के सपने देखते रह सकते हैं. आप तथ्यों के बगैर कुछ भी साबित नहीं कर सकते'. अरबुथनाट ने सुनवाई के दौरान कहा, 'यह तय करें कि आप अपनी जमानत की कोई शर्त नहीं तोड़ेंगे. यदि आप ऐसा करेंगे तो आप फिर से हिरासत में ले लिए जाएंगे'. भारतीय अधिकारियों की तरफ से ब्रिटेन क्राउन प्रॉसिक्यूशन सर्विस ने अदालत में भारतीय अधिकारियों का पक्ष रखा. (इनपुट एजेंसी से) माल्या ने दावा किया कि कोई कर्ज कहीं और खर्च नहीं किया गया.टिप्पणियां उन्होंने पत्रकारों को बताया, 'आप एक अरब पाउंड के सपने देखते रह सकते हैं. आप तथ्यों के बगैर कुछ भी साबित नहीं कर सकते'. अरबुथनाट ने सुनवाई के दौरान कहा, 'यह तय करें कि आप अपनी जमानत की कोई शर्त नहीं तोड़ेंगे. यदि आप ऐसा करेंगे तो आप फिर से हिरासत में ले लिए जाएंगे'. भारतीय अधिकारियों की तरफ से ब्रिटेन क्राउन प्रॉसिक्यूशन सर्विस ने अदालत में भारतीय अधिकारियों का पक्ष रखा. (इनपुट एजेंसी से) उन्होंने पत्रकारों को बताया, 'आप एक अरब पाउंड के सपने देखते रह सकते हैं. आप तथ्यों के बगैर कुछ भी साबित नहीं कर सकते'. अरबुथनाट ने सुनवाई के दौरान कहा, 'यह तय करें कि आप अपनी जमानत की कोई शर्त नहीं तोड़ेंगे. यदि आप ऐसा करेंगे तो आप फिर से हिरासत में ले लिए जाएंगे'. भारतीय अधिकारियों की तरफ से ब्रिटेन क्राउन प्रॉसिक्यूशन सर्विस ने अदालत में भारतीय अधिकारियों का पक्ष रखा. (इनपुट एजेंसी से) (इनपुट एजेंसी से)
केस की पैरवी के लिए मेरे पास र्प्‍याप्‍त सबूत हैं- माल्‍या माल्या ने कहा, मैं लगाए गए सभी आरोपों को नकारता हूं. विजय माल्या ने कहा, मैं मीडिया में कोई बयानबाजी नहीं करता.
1
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: दक्षिण अफ्रीका ने न्यूजीलैंड को आठ विकेट से हराकर अंडर-19 विश्वकप क्रिकेट में तीसरा स्थान हासिल कर लिया। दक्षिण अफ्रीका और न्यूजीलैंड क्रमश: ऑस्ट्रेलिया और भारत से सेमीफाइनल हार चुके थे।टिप्पणियां टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए न्यूजीलैंड की टीम 36.5 ओवर में सिर्फ 90 रन पर आउट हो गई। दक्षिण अफ्रीका ने 14.4 ओवर में दो विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। दक्षिण अफ्रीका के लिए बाएं हाथ के तेज गेंदबाज जेन फ्राइलिंक ने शुरुआती दो विकेट लिए, जबकि लेग स्पिनर डेविड रोडा ने 26 ओवर में चार विकेट लेते हुए पुछल्ले बल्लेबाजों को आउट किया। आसान लक्ष्य का पीछा करते हुए दक्षिण अफ्रीका के लिए विकेटकीपर किंटोन डि काक ने 43 गेंद में नौ चौकों की मदद से 50 रन बनाए। टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए न्यूजीलैंड की टीम 36.5 ओवर में सिर्फ 90 रन पर आउट हो गई। दक्षिण अफ्रीका ने 14.4 ओवर में दो विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। दक्षिण अफ्रीका के लिए बाएं हाथ के तेज गेंदबाज जेन फ्राइलिंक ने शुरुआती दो विकेट लिए, जबकि लेग स्पिनर डेविड रोडा ने 26 ओवर में चार विकेट लेते हुए पुछल्ले बल्लेबाजों को आउट किया। आसान लक्ष्य का पीछा करते हुए दक्षिण अफ्रीका के लिए विकेटकीपर किंटोन डि काक ने 43 गेंद में नौ चौकों की मदद से 50 रन बनाए। दक्षिण अफ्रीका के लिए बाएं हाथ के तेज गेंदबाज जेन फ्राइलिंक ने शुरुआती दो विकेट लिए, जबकि लेग स्पिनर डेविड रोडा ने 26 ओवर में चार विकेट लेते हुए पुछल्ले बल्लेबाजों को आउट किया। आसान लक्ष्य का पीछा करते हुए दक्षिण अफ्रीका के लिए विकेटकीपर किंटोन डि काक ने 43 गेंद में नौ चौकों की मदद से 50 रन बनाए।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: दक्षिण अफ्रीका ने न्यूजीलैंड को आठ विकेट से हराकर अंडर-19 विश्वकप क्रिकेट में तीसरा स्थान हासिल कर लिया। दक्षिण अफ्रीका और न्यूजीलैंड क्रमश: ऑस्ट्रेलिया और भारत से सेमीफाइनल हार चुके थे।
3
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: गौरतलब है कि कोर्ट के आदेश के अनुसार ऋचा को कुरान की 5 प्रतियां रांची के विभिन्न शिक्षण संस्थानों को देनी थी. ऋचा को 15 दिनों में यह काम पूरा कर अदालत को अवगत कराना था.  ऋचा ने भी कुरान की प्रतियां बांटने से इनकार कर दिया था. जेल से बाहर आई ऋचा पटेल ने कहा कि वह कुरान की पांच प्रतियां नहीं बांटेगी. निचली अदालत के फैसले की कॉपी का इंतजार कर रही है. कॉपी मिलने के बाद हाइकोर्ट जाएगी. उसने  कहा कि कुरान बांटने का आदेश उसे सही नहीं लग रहा है. वह बुरा महसूस कर रही है. ऋचा ने कहा कि वह कोर्ट के फैसले का सम्मान करती है, लेकिन उसके मौलिक अधिकारों का हनन कोई कैसे कर सकता है. क्या फेसबुक पर अपने धर्म के बारे में लिखना अपराध है. ऐसे में पिठोरिया पुलिस ने उसे अचानक कैसे गिरफ्तार कर लिया. ऋचा भारती ने बुधवार को राज्‍य महिला आयोग का रुख किया. उन्होंने राज्‍य महिला आयोग की अध्‍यक्ष श्रीमती कल्‍याणी शरण को मामले से अवगत कराया और मदद की गुहार लगाई. ऋचा के साथ उनके पिता भी महिला आयोग पहुंचे थे. ऋचा को कुरान की प्रति बांटने के आदेश के खिलाफ कई संगठनों के लोग खड़े हो गए. सभी लोगों ने उस आदेश की निंदा की. यहां तक कि बार एसोसिशन ने भी विरोध किया. बार एसोसिशन के महासचिव ने कहा था कि अधिवक्‍ता इस तरह की सशर्त जमानत का विरोध करते हैं. ज्‍यूडिशियल मजिस्‍ट्रेट द्वारा इस तरह की सशर्त जमानत देने का कोई औचित्‍य नहीं है.   गौरतलब है कि 12 जुलाई  को देर शाम फेसबुक पेज पर धर्म विशेष पर की गई टिप्पणियां लाइक करने को लेकर पिठोरिया थाना द्वारा एक लड़की ऋचा भारती उर्फ ऋचा पटेल को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था. इसके बाद पिठोरिया के ग्रामीण आक्रोशित होकर पिठोरिया थाना का घेराव करने पहुंचे थे.
यह एक सारांश है: कोर्ट ने मंगलवार को कुरान की पांच प्रतियां दान करने का आदेश दिया था आदेश के बाद काफी बवाल हुआ, ऋचा राज्‍य महिला आयोग पहुंचीं बार एसोसिशन ने भी कोर्ट के आदेश का विरोध किया
16
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: प्रदूषण फैलाने के मामलों में अब तक 115 बिल्डरों का चालान कट चुका है. नोएडा में सिटी मजिस्ट्रेट ने जब सेक्टर 79 के एक बिल्डर की साइट पर छापा मारा तो पाया कि यहां प्रदूषण बड़े स्तर पर फैलाया जा रहा था. नोएडा के सिटी मजिस्ट्रेट शैलेंद्र त्रिपाठी ने कहा कि यहां हम लोग आए थे देखा कि मिक्सिंग प्लांट चल रहा है, जिससे धूल फैल रही है. पिछले महीने तक दिल्ली के शहादरा इलाके की फैक्ट्रियों से धुंआ निकलता था. इसके खिलाफ दिल्ली के जिला प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है. प्रदूषण फैलाने वाली इस तरह की 58 फैक्ट्रियों पर छापा मारा. भारी जुर्माना लगाकर इन फैक्ट्रियों पर अब ताला जड़ दिया गया है. लेकिन उसके बावजूद दिल्ली गाजियाबाद बार्डर पर कई जगह ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान की धज्जियां उड़ती दिख रही हैं. दिल्ली-यूपी बार्डर पर धूल उड़ रही है. यहां न तो पानी का छिड़काव हो रहा है और न ही कोई सख्त कार्रवाई हो रही है. दिल्ली-यूपी अप्सरा बार्डर का यह हाल है कि सड़क पर धूल का अंबार है और लोगों को गाड़ियों की लाइट तक जलाकर रखनी पड़ रही है. यहां यूपी पीडब्ल्यूडी का निर्माण कार्य चल रहा है,  सारे नियम कायदों की धज्जियां उड़ रही हैं. सरकार का दावा है कि प्रदूषण रोकने के लिए सख्ती बरती जा रही है. लेकिन जब तक लोगों का सहयोग नहीं मिलेगी तब तक दिल्ली एनसीआर को गैस चैंबर बनने से रोकना मुश्किल होगा.
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: 50 से ज्यादा फैक्ट्रियों को सील किया गया 115 बिल्डरों का चालान काटा गया दिल्ली-यूपी बार्डर पर भारी धूल उड़ रही
25
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: उत्तर प्रदेश विधानसभा में सदन के भीतर हाल ही में विस्फोटक पदार्थ बरामद हुआ था. इस मामले की जांच एनआईए से कराने के लिए योगी सरकार ने सदन से इजाजत मांगी थी. इसकी इजाजत विधानसभा अध्यक्ष ने दे भी दी. अब स्थानीय खुफिया एजेंसियों एवं अधिकारियों की नींद उड़ी हुई है. आतंकवाद निरोधी दस्ते (एटीएस) के साथ राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की टीमें इस मामले की जांच करने में जुट गई हैं. एनआईए की टीम शुक्रवार देर रात विधानसभा पहुंची थी. राजधानी लखनऊ के विधान भवन में विस्फोटक मिलने का मामला लखनऊ के हजरतगंज में स्थित कोतवाली में शुक्रवार शाम को दर्ज कराया गया है. एसएसपी दीपक कुमार के साथ विधानसभा के मार्शल मनीष चंद्र राय ने विस्फोटक पदार्थ मिलने के मामले में तहरीर दी है. इससे पहले एसएसपी ने विधानसभा के चीफ मार्शल मनीष चंद्र राय के साथ विधानसभा की सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण किया. विस्फोटक की बरामदगी के मामले में मार्शल की तरफ से तहरीर पर मामला दर्ज किया गया है. कोतवाली में धारा 16,18, 20 के तहत मामला दर्ज हुआ है. साथ ही इस मामले में धारा 121 ए और 120 बी के तहत भी मामला दर्ज किया गया है. विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की धारा 4,5,6 भी लगाई गई है. (ये भी पढ़ें : यूपी असेंबली में विस्फोटक, गुस्साये योगी आदित्यनाथ बोले- साजिश का पर्दाफाश होना जरूरी )टिप्पणियां विधानसभा में विस्फोटक मिलने के बाद हर कोई हैरान है. विधानसभा की सुरक्षा में सेंध का यह सबसे बड़ा मामला है. सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि इतनी भारी सुरक्षा के बीच विस्फोटक पदार्थ विधानसभा में पहुंचा कैसे. एनआईए की टीम शुक्रवार देर रात विधानसभा पहुंची थी. राजधानी लखनऊ के विधान भवन में विस्फोटक मिलने का मामला लखनऊ के हजरतगंज में स्थित कोतवाली में शुक्रवार शाम को दर्ज कराया गया है. एसएसपी दीपक कुमार के साथ विधानसभा के मार्शल मनीष चंद्र राय ने विस्फोटक पदार्थ मिलने के मामले में तहरीर दी है. इससे पहले एसएसपी ने विधानसभा के चीफ मार्शल मनीष चंद्र राय के साथ विधानसभा की सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण किया. विस्फोटक की बरामदगी के मामले में मार्शल की तरफ से तहरीर पर मामला दर्ज किया गया है. कोतवाली में धारा 16,18, 20 के तहत मामला दर्ज हुआ है. साथ ही इस मामले में धारा 121 ए और 120 बी के तहत भी मामला दर्ज किया गया है. विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की धारा 4,5,6 भी लगाई गई है. (ये भी पढ़ें : यूपी असेंबली में विस्फोटक, गुस्साये योगी आदित्यनाथ बोले- साजिश का पर्दाफाश होना जरूरी )टिप्पणियां विधानसभा में विस्फोटक मिलने के बाद हर कोई हैरान है. विधानसभा की सुरक्षा में सेंध का यह सबसे बड़ा मामला है. सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि इतनी भारी सुरक्षा के बीच विस्फोटक पदार्थ विधानसभा में पहुंचा कैसे. एसएसपी दीपक कुमार के साथ विधानसभा के मार्शल मनीष चंद्र राय ने विस्फोटक पदार्थ मिलने के मामले में तहरीर दी है. इससे पहले एसएसपी ने विधानसभा के चीफ मार्शल मनीष चंद्र राय के साथ विधानसभा की सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण किया. विस्फोटक की बरामदगी के मामले में मार्शल की तरफ से तहरीर पर मामला दर्ज किया गया है. कोतवाली में धारा 16,18, 20 के तहत मामला दर्ज हुआ है. साथ ही इस मामले में धारा 121 ए और 120 बी के तहत भी मामला दर्ज किया गया है. विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की धारा 4,5,6 भी लगाई गई है. (ये भी पढ़ें : यूपी असेंबली में विस्फोटक, गुस्साये योगी आदित्यनाथ बोले- साजिश का पर्दाफाश होना जरूरी )टिप्पणियां विधानसभा में विस्फोटक मिलने के बाद हर कोई हैरान है. विधानसभा की सुरक्षा में सेंध का यह सबसे बड़ा मामला है. सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि इतनी भारी सुरक्षा के बीच विस्फोटक पदार्थ विधानसभा में पहुंचा कैसे. विस्फोटक की बरामदगी के मामले में मार्शल की तरफ से तहरीर पर मामला दर्ज किया गया है. कोतवाली में धारा 16,18, 20 के तहत मामला दर्ज हुआ है. साथ ही इस मामले में धारा 121 ए और 120 बी के तहत भी मामला दर्ज किया गया है. विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की धारा 4,5,6 भी लगाई गई है. (ये भी पढ़ें : यूपी असेंबली में विस्फोटक, गुस्साये योगी आदित्यनाथ बोले- साजिश का पर्दाफाश होना जरूरी )टिप्पणियां विधानसभा में विस्फोटक मिलने के बाद हर कोई हैरान है. विधानसभा की सुरक्षा में सेंध का यह सबसे बड़ा मामला है. सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि इतनी भारी सुरक्षा के बीच विस्फोटक पदार्थ विधानसभा में पहुंचा कैसे. विधानसभा में विस्फोटक मिलने के बाद हर कोई हैरान है. विधानसभा की सुरक्षा में सेंध का यह सबसे बड़ा मामला है. सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि इतनी भारी सुरक्षा के बीच विस्फोटक पदार्थ विधानसभा में पहुंचा कैसे.
यह एक सारांश है: अब स्थानीय खुफिया एजेंसियों एवं अधिकारियों की नींद उड़ी हुई है एनआईए की टीम शुक्रवार देर रात विधानसभा पहुंची थी. हजरतगंज में स्थित कोतवाली में शुक्रवार शाम को मामला दर्ज कराया गया है.
24
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: धमकी मिलने के बाद दिल्ली पुलिस ने केजरीवाल की बेटी हर्षिता केजरीवाल की सुरक्षा बढ़ा दी थी. हर्षिता की सुरक्षा में पीएसओ की तैनाती की गई है. इस मामले की जांच दिल्ली पुलिस की साइबर सेल को सौंप दी गई थी. सूत्रों ने मुताबिक मुख्यमंत्री कार्यालय को नौ जनवरी को एक गुमनाम ईमेल मिला, जिसे दिल्ली पुलिस आयुक्त अमूल्य पटनायक को भेज दिया गया. उत्तरी दिल्ली पुलिस ने केजरीवाल की बेटी के साथ एक सुरक्षा अधिकारी तैनात कर दिया था. सरकार के अधिकारी ने 13 जनवरी को कहा था, "दिल्ली सरकार ने धमकी भरे ईमेल को तीन दिन पहले दिल्ली पुलिस आयुक्त को भेज दिया है." अधिकारी ने कहा कि दिल्ली सरकार को अभी तक पुलिस की ओर से कोई सूचना नहीं दी गई है. बता दें, यह पहला मौका नहीं है जब अरविंद केजरीवाल को इस तरह की धमकी दी गई हो, इससे पहले भी उन्हें धमकियां मिलती रही हैं. साथ ही उन पर भी हमला किया जा चुका है. अरविंद केजरीवाल की बेटी हर्षिता ने दिल्ली के आईआईटी कॉलेज से पढ़ाई की है. अरविंद केजरीवाल खुद भी आईआईटी से पढ़ाई कर चुके हैं.
सीएम केजरीवाल को मिला था धमकी भरा मेल बेटी को किडनेप करने की दी गई थी धमकी आरोपी को दिल्ली पुलिस ने हिरासत में लिया
28
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पाकिस्तान के अशांत पश्चिमोत्तर प्रांत में शनिवार को तालिबान लड़ाकुओं ने सुरक्षा बलों की एक जांच चौकी पर हमला कर दिया, जिसमें 12 आतंकवादी और अर्धसैनिक बल के आठ जवान मारे गए हैं। सुरक्षा बल के जवानों ने भीषण संघर्ष के बाद खबर पख्तुनख्वा प्रांत के लक्की मारवात जिले के सेराई नोरांग इलाके में स्थित इस जांच चौकी पर किए गए हमले को विफल कर दिया। आतंकवादियों ने अत्याधुनिक हथियारों की मदद से सुबह करीब चार बजे भीषण हमला किया।टिप्पणियां एक सुरक्षा अधिकारी ने कहा, 12 आतंकवादी मारे गए हैं। चार आतंकवादियों के शव सुरक्षा बलों के कब्जे में हैं, जिनमें से दो आत्मघाती जैकेट पहने हुए थे। इस हमले में फ्रंटिअर कांस्टेबुलरी के छह जवान मारे गए हैं और आठ अन्य घायल हो गए हैं। अधिकारी ने बताया कि घायलों को बान्नू और पेशावर में सेना के अस्पतालों में ले जाया गया है। तहरीके तालिबान के प्रवक्ता अहसनुल्ला अहसन ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है। उसने दावा किया कि इस हमले में चार आत्मघाती बम हमलावर शामिल थे। उसने कहा कि अमेरिकी ड्रोन हमले के विरोध में यह हमला किया गया है जिसमें पाकिस्तानी सेना मदद कर रही है। सुरक्षा बल के जवानों ने भीषण संघर्ष के बाद खबर पख्तुनख्वा प्रांत के लक्की मारवात जिले के सेराई नोरांग इलाके में स्थित इस जांच चौकी पर किए गए हमले को विफल कर दिया। आतंकवादियों ने अत्याधुनिक हथियारों की मदद से सुबह करीब चार बजे भीषण हमला किया।टिप्पणियां एक सुरक्षा अधिकारी ने कहा, 12 आतंकवादी मारे गए हैं। चार आतंकवादियों के शव सुरक्षा बलों के कब्जे में हैं, जिनमें से दो आत्मघाती जैकेट पहने हुए थे। इस हमले में फ्रंटिअर कांस्टेबुलरी के छह जवान मारे गए हैं और आठ अन्य घायल हो गए हैं। अधिकारी ने बताया कि घायलों को बान्नू और पेशावर में सेना के अस्पतालों में ले जाया गया है। तहरीके तालिबान के प्रवक्ता अहसनुल्ला अहसन ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है। उसने दावा किया कि इस हमले में चार आत्मघाती बम हमलावर शामिल थे। उसने कहा कि अमेरिकी ड्रोन हमले के विरोध में यह हमला किया गया है जिसमें पाकिस्तानी सेना मदद कर रही है। एक सुरक्षा अधिकारी ने कहा, 12 आतंकवादी मारे गए हैं। चार आतंकवादियों के शव सुरक्षा बलों के कब्जे में हैं, जिनमें से दो आत्मघाती जैकेट पहने हुए थे। इस हमले में फ्रंटिअर कांस्टेबुलरी के छह जवान मारे गए हैं और आठ अन्य घायल हो गए हैं। अधिकारी ने बताया कि घायलों को बान्नू और पेशावर में सेना के अस्पतालों में ले जाया गया है। तहरीके तालिबान के प्रवक्ता अहसनुल्ला अहसन ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है। उसने दावा किया कि इस हमले में चार आत्मघाती बम हमलावर शामिल थे। उसने कहा कि अमेरिकी ड्रोन हमले के विरोध में यह हमला किया गया है जिसमें पाकिस्तानी सेना मदद कर रही है। तहरीके तालिबान के प्रवक्ता अहसनुल्ला अहसन ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है। उसने दावा किया कि इस हमले में चार आत्मघाती बम हमलावर शामिल थे। उसने कहा कि अमेरिकी ड्रोन हमले के विरोध में यह हमला किया गया है जिसमें पाकिस्तानी सेना मदद कर रही है।
पाकिस्तान के अशांत पश्चिमोत्तर प्रांत में शनिवार को तालिबान लड़ाकुओं ने सुरक्षा बलों की एक जांच चौकी पर हमला कर दिया, जिसमें 12 आतंकवादी और अर्धसैनिक बल के आठ जवान मारे गए हैं।
28
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे  के देशभक्त बताने वाले बयानों पर बीजेपी  लोकसभा चुनाव (Lok Sabha Election 2019)  के आखिरी चरण में अब डैमेज कंट्रोल की कोशिश शुरू की है. पीएम मोदी ने एक न्यूज चैनल को दिए इंटरव्यू में कहा है कि गांधी जी या गोडसे के बारे में जो बयान दिए गए हैं वो बहुत ख़राब है और समाज के लिए बहुत गलत हैं. ये अलग बात है की उन्होंने माफ़ी मांग ली, लेकिन मैं उन्हें मन से कभी माफ़ नहीं कर पाऊंगा. इसी कड़ी में प्रज्ञा ठाकुर, केंद्रीय मंत्री अनंत हेगड़े और नलिन कुमार कतील को 10 दिन के अंदर सफाई देने के लिए कहा गया है. बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह की ओर से ट्वीटर में दिए गए बयान में कहा गया है, 'विगत 2 दिनों में श्री अनंतकुमार हेगड़े, साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर और श्री नलीन कटील के जो बयान आये हैं वो उनके निजी बयान हैं, उन बयानों से भारतीय जनता पार्टी का कोई संबंध नहीं है. लेकिन इसके आगे अमित शाह ने कहा है कि इन लोगों ने अपने बयान वापिस लिए हैं और माफ़ी भी मांगी है. फिर भी सार्वजनिक जीवन तथा भारतीय जनता पार्टी की गरिमा और विचारधारा के विपरीत इन बयानों को पार्टी ने गंभीरता से लेकर तीनों बयानों को अनुशासन समिति को भेजने का निर्णय किया है'. तीसरे आखिरी ट्वीट में अमित शाह ने कहा, 'अनुशासन समिति तीनों नेताओं से जवाब मांगकर उसकी एक रिपोर्ट 10 दिन के अंदर पार्टी को दे, इस तरह की सूचना दी गयी है'. वहीं कांग्रेस भी बीजेपी को इस मुद्दे पर बख्शने के मूड में नहीं है. कांग्रेस महासचिव ने प्रियंका गांधी  ने कहा है कि बीजेपी के राष्ट्रभक्त दिग्गज माफी कब मांगेंगे. वहीं कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा है कि भाजपा एवं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोला और आरोप लगाया कि मोदी सरकार ने देश की अस्मिता के खिलाफ ''गुरिल्ला युद्ध'' छेड़ रखा है. सुरजेवाला ने संवाददाताओं से कहा, ''ऐसा लगता है कि मोदी सरकार ने भारत के स्वतंत्रता सेनानियों और इतिहास पुरुषों के खिलाफ़ एक छद्म युद्ध छेड़ रखा है. रोज़ नया मुखौटा लगाकर एक मोदी अनुयायी आता है और भारत की आत्मा 'महात्मा' को अपमानित कर जाता है.'' उन्होंने दावा किया, ''यह एक प्रकार से भारत की अस्मिता के खिलाफ़ मोदी सरकार का गुरिल्ला युद्ध है.'' सुरजेवाला ने कहा, ''महात्मा गांधी ने कहा था- "मैं यह मानता हूँ और मेरा यह अनेक बार का अनुभव है कि कोई व्यक्ति अपने आप को कितना भी योग्य क्यों न कहे ,उसके गुप्त अनीतिपूर्ण कृत्य एक दिन उजागर हो ही जाते हैं". गांधी जी के उक्त विचार लगता है मोदी- शाह की जोड़ी के लिए ही कहे गए हों." उन्होंने दावा किया, ''मोदी - शाह की जोड़ी प्रचार में गांधी और विचार में गोडसेवादी है.  गोडसे ने 1948 में महात्मा गांधी की हत्या की मगर 2014 से 2019 तक मोदी जी के कट्टर समर्थकों और अनुयाइयों ने गोडसे को राष्ट्र भक्त बताकर भारत की आत्मा की कई बार हत्या की है, कभी साक्षी, कभी प्रज्ञा, तो कभी हेगड़े बनकर.''  कांग्रेस नेता ने कहा, ''साक्षी महाराज को तो पुनः भाजपा का लोकसभा टिकट दिया ही, इसीलिए दिया गया कि उन्होंने गोडसे का महिमामंडन किया था.'' उन्होंने कहा, ''अब मोदी सरकार के मंत्री, अनंत कुमार हेगड़े ने गोडसे की वकालत कर प्रज्ञा ठाकुर व भाजपाई विचारधारा का अनुमोदन कर दिया. भाजपा की मध्यप्रदेश इकाई के मीडिया प्रभारी अनिल सौमित्र ने तो एक और हद पार कर डाली व महात्मा गांधी को पाकिस्तान का राष्ट्रपिता बता दिया.'' उन्होंने दावा किया, ''बीजेपी सही मायने में हिंसा और हिंसक मनोवृत्ति का प्रतिनिधित्व करती है और यह अहिंसक भारत के मूल विचारों के खिलाफ बना राजनीतिक संगठन है. इन्हीं ताकतों ने सत्ता न मिलने की कुंठा को नफरत की तरह पाला और अंततः महात्मा गांधी के रूप में भारत की आवाज और आत्मा की हत्या कर दी गई.''  सुरजेवाला ने सवाल किया, ''क्या यही भाजपा का राष्ट्रवाद है? क्या स्वतंत्रता सेनानियों का अपमान भाजपा की असली जीवनशैली है? मोदीजी-अमित शाह जी देश से माफ़ी क्यों नहीं मांग रहे? प्रज्ञा ठाकुर की उम्मीदवारी वापस क्यों नहीं ले रहे? अनंत हेगड़े को मंत्री पद से बर्खास्त कर बाहर का रास्ता क्यों नहीं दिखा रहे? अनिल सौमित्र व नलीन कतील को भाजपा से बर्खास्त क्यों नहीं कर रहे?'
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: पीएम मोदी ने कहा बहुत खराब बयानबाजी हुई 'मन से माफ नहीं कर पाऊंगा' अमित शाह ने मांगी तीनों से सफाई
19
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: बृहस्पतिवार से शुरू हो रहे संसद के शीतकालीन सत्र में एफडीआई के मसले पर विपक्ष ने सरकार को घेरने की पूरी तैयारी कर ली है। सत्ता पक्ष और विपक्ष के रुख से साफ है कि शीत सत्र का पहला हिस्सा एक बार फिर हंगामे की भेंट चढ़ेगा क्योंकि न सरकार विदेशी निवेश के सवाल पर अपने कदम पीछे खींचने को तैयार है और न ही विपक्ष सत्र के दौरान सरकार पर दबाव बढ़ाने का कोई मौका छोड़ना चाहता है। इधर, प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह प्रमुख विपक्षी पार्टी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेताओं के साथ रात्रिभोज पर मिलेंगे। सिंह ने भाजपा संसदीय दल के प्रमुख लालकृष्ण आडवाणी, लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज और राज्यसभा में विपक्ष के नेता अरुण जेटली को रात्रिभोज पर आमंत्रित किया है।टिप्पणियां पहले यह रात्रिभोज शनिवार को प्रस्तावित था लेकिन शिवसेना प्रमुख बाल ठाकरे के निधन की वजह से इसे स्थगित कर दिया गया था। उल्लेखनीय है कि सरकार खुदरा क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) पर संसद में गतिरोध टालना चाहती है जबकि भाजपा और वामदल इस मुद्दे पर संसद में चर्चा चाहते हैं। तृणमूल कांग्रेस इस मुद्दे पर अविश्वास प्रस्ताव लाने की बात कह रही है। सत्ता पक्ष और विपक्ष के रुख से साफ है कि शीत सत्र का पहला हिस्सा एक बार फिर हंगामे की भेंट चढ़ेगा क्योंकि न सरकार विदेशी निवेश के सवाल पर अपने कदम पीछे खींचने को तैयार है और न ही विपक्ष सत्र के दौरान सरकार पर दबाव बढ़ाने का कोई मौका छोड़ना चाहता है। इधर, प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह प्रमुख विपक्षी पार्टी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेताओं के साथ रात्रिभोज पर मिलेंगे। सिंह ने भाजपा संसदीय दल के प्रमुख लालकृष्ण आडवाणी, लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज और राज्यसभा में विपक्ष के नेता अरुण जेटली को रात्रिभोज पर आमंत्रित किया है।टिप्पणियां पहले यह रात्रिभोज शनिवार को प्रस्तावित था लेकिन शिवसेना प्रमुख बाल ठाकरे के निधन की वजह से इसे स्थगित कर दिया गया था। उल्लेखनीय है कि सरकार खुदरा क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) पर संसद में गतिरोध टालना चाहती है जबकि भाजपा और वामदल इस मुद्दे पर संसद में चर्चा चाहते हैं। तृणमूल कांग्रेस इस मुद्दे पर अविश्वास प्रस्ताव लाने की बात कह रही है। इधर, प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह प्रमुख विपक्षी पार्टी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेताओं के साथ रात्रिभोज पर मिलेंगे। सिंह ने भाजपा संसदीय दल के प्रमुख लालकृष्ण आडवाणी, लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज और राज्यसभा में विपक्ष के नेता अरुण जेटली को रात्रिभोज पर आमंत्रित किया है।टिप्पणियां पहले यह रात्रिभोज शनिवार को प्रस्तावित था लेकिन शिवसेना प्रमुख बाल ठाकरे के निधन की वजह से इसे स्थगित कर दिया गया था। उल्लेखनीय है कि सरकार खुदरा क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) पर संसद में गतिरोध टालना चाहती है जबकि भाजपा और वामदल इस मुद्दे पर संसद में चर्चा चाहते हैं। तृणमूल कांग्रेस इस मुद्दे पर अविश्वास प्रस्ताव लाने की बात कह रही है। सिंह ने भाजपा संसदीय दल के प्रमुख लालकृष्ण आडवाणी, लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज और राज्यसभा में विपक्ष के नेता अरुण जेटली को रात्रिभोज पर आमंत्रित किया है।टिप्पणियां पहले यह रात्रिभोज शनिवार को प्रस्तावित था लेकिन शिवसेना प्रमुख बाल ठाकरे के निधन की वजह से इसे स्थगित कर दिया गया था। उल्लेखनीय है कि सरकार खुदरा क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) पर संसद में गतिरोध टालना चाहती है जबकि भाजपा और वामदल इस मुद्दे पर संसद में चर्चा चाहते हैं। तृणमूल कांग्रेस इस मुद्दे पर अविश्वास प्रस्ताव लाने की बात कह रही है। पहले यह रात्रिभोज शनिवार को प्रस्तावित था लेकिन शिवसेना प्रमुख बाल ठाकरे के निधन की वजह से इसे स्थगित कर दिया गया था। उल्लेखनीय है कि सरकार खुदरा क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) पर संसद में गतिरोध टालना चाहती है जबकि भाजपा और वामदल इस मुद्दे पर संसद में चर्चा चाहते हैं। तृणमूल कांग्रेस इस मुद्दे पर अविश्वास प्रस्ताव लाने की बात कह रही है। उल्लेखनीय है कि सरकार खुदरा क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) पर संसद में गतिरोध टालना चाहती है जबकि भाजपा और वामदल इस मुद्दे पर संसद में चर्चा चाहते हैं। तृणमूल कांग्रेस इस मुद्दे पर अविश्वास प्रस्ताव लाने की बात कह रही है।
संक्षिप्त सारांश: बृहस्पतिवार से शुरू हो रहे संसद के शीतकालीन सत्र में एफडीआई के मसले पर विपक्ष ने सरकार को घेरने की पूरी तैयारी कर ली है।
10
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: 2- अजीबो-गरीब ऐक्शन वाले लासिथ मलिंगा ने वनडे में 300 विकेट पूरे कर लिए. ऐसा करने वाले वह विश्व के 11वें गेंदबाज बन गए हैं. तेज गेंदबाजी में वह 8वें गेंदबाज बने हैं. टिप्पणियां 3- विराट कोहली ने वनडे में 29 वां शतक लगाया. उन्होंने 185वीं पारी में यह करिश्मा किया. सचिन तेंदुलकर 29वें  शतक तक पहुंचने के लिए 265 और रिकी पोटिंग ने 330 पारियां खेली थीं. 4- रोहित और विराट की जोड़ी ने 8वीं बार 150 या उससे ज्यादा रनों की साझेदारी की है. इससे पहले सचिन और सौरव के बीच 12 बार ऐसी साझेदारियां हो चुकी हैं. 3- विराट कोहली ने वनडे में 29 वां शतक लगाया. उन्होंने 185वीं पारी में यह करिश्मा किया. सचिन तेंदुलकर 29वें  शतक तक पहुंचने के लिए 265 और रिकी पोटिंग ने 330 पारियां खेली थीं. 4- रोहित और विराट की जोड़ी ने 8वीं बार 150 या उससे ज्यादा रनों की साझेदारी की है. इससे पहले सचिन और सौरव के बीच 12 बार ऐसी साझेदारियां हो चुकी हैं. 4- रोहित और विराट की जोड़ी ने 8वीं बार 150 या उससे ज्यादा रनों की साझेदारी की है. इससे पहले सचिन और सौरव के बीच 12 बार ऐसी साझेदारियां हो चुकी हैं.
धोनी रहे 73वीं बार नाबाद विराट ने लगाया 29 वां शतक मलिंगा के पूरे हुए 300 विकेट
28
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: रवीश कुमार (Raveesh Kumar) ने कहा कि यूरोपीय संघ (EU) संसद के सदस्यों का कश्मीर दौरा इस मुद्दे का अंतरराष्ट्रीयकरण करने के लिए बिल्कुल नहीं था और इस तरह के शिष्टमंडल आधिकारिक माध्यमों से नहीं आया करते हैं. विदेश मंत्रालय ने इस मुद्दे पर अपनी पहली टिप्पणी में यह भी कहा कि महत्वपूर्ण बात यह है कि क्या इस तरह का दौरा व्यापक राष्ट्रीय हितों की पूर्ति करता है. जम्मू कश्मीर (Jammu Kashmir) को विशेष दर्जा देने वाले आर्टिकल 370 (Article 370) के ज्यादातर प्रावधानों को खत्म करने के केंद्र सरकार के पांच अगस्त के फैसले के बाद किसी विदेशी शिष्टमंडल का कश्मीर घाटी का यह पहला दौरा था. ईयू संसद के 23 सदस्यों का एक शिष्टमंडल कश्मीर में स्थिति का जमीनी स्तर पर जायजा लेने के लिए मंगलवार को दो दिवसीय दौरे पर पहुंचा था. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने कहा, 'हमें लगता है कि इस तरह की चीजें जनता के स्तर पर संपर्क का हिस्सा हैं.' यह दौरा कश्मीर मुद्दे का अंतरराष्ट्रीयकरण करने के लिए बिल्कुल नहीं था. रवीश कुमार ने यह भी कहा कि ईयू सांसदों के विचारों ने जमीनी हकीकत और कश्मीर में आतंकवाद के खतरे के बारे में उनकी समझ को प्रदर्शित किया है.
यहाँ एक सारांश है:EU सांसदों के कश्मीर दौरे पर सरकार का आया बयान 'यह दौरा कश्मीर मुद्दे का अंतरराष्ट्रीय करने के लिये नहीं था' विपक्षी पार्टियां इस मुद्दे को लेकर लगातार हमलावर हैं
17
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: हरियाणा कैडर के वरिष्ठ IAS अधिकारी अशोक खेमका (Ashok Khemka) का 53वीं बार तबादला कर दिया गया है. हरियाणा सरकार ने 1991 बैच के वरिष्ठ नौकरशाह अशोक खेमका को इस बार अभिलेख, पुरातत्व एवं संग्रहालय विभागों का प्रधान सचिव बनाया है. इस संदर्भ में अशोक खेमका से एनडीटीवी के रवीश कुमार ने बात की. खेमका ने कहा, 'हर तबादला कुछ ना कुछ सिखाकर जाता है. कोई भी तबादला बगैर वजह के नहीं होता, उसके पीछे कोई न कोई वजह होती है. अगर आपको अक्टूबर 2012 की बात याद हो, तो कुछ तबादलों में आपको हाशिये पर रख दिया जाता है. शायद ये उसी चीज का परिचायक है कि आपको हाशिये में रखकर दंडित किया गया है.' अजय खेमका ने कहा कि ''हर तबादला कुछ ने कुछ सिखा जाता है और कुछ न कुछ वजह से होता है. कुछ तबादले होते हैं कि आपको हाशिये में रख दिया जाता है. कुछ आप ऐसा काम करते हैं कि दंडित करने के लिए आपको हाशिये में रखा जाता है. यह उसी चीज का परिचायक है कि आपको हाशिये में रखकर दंडित किया गया है.'' उन्होंने कहा कि ''तबादले की जो प्रक्रिया है, उसका एक विधान है, उससे आप अलग नहीं हट सकते हैं. और सुप्रीम कोर्ट के डायरेक्शन हैं. आईएएस काडर रूल्स का विधान है कि आपका जो भी तबादला होगा वह सिविल सर्विसेज बोर्ड की संस्तुति से होगा. दूसरा नियम है कि आपको दो साल का मिनिमम टेन्योर दिया जाएगा. सुप्रीम कोर्ट ने 2013 में यही दो बातें फिर से दोहराई थीं. कोर्ट ने कहा था कि तीन साल का मिनिमम टेन्योर होगा.'' अशोक खेमका ने कहा कि ''सारे नियम कायदे हैं लेकिन ट्रांसफर में थोड़ी पारदर्शिता बरती जाती..अधिकारी के एप्टीट्यूट के अनुसार उसकी पोस्टिंग की जाए तो प्रजा का भला होता है. किसी मछली को पेड़ पर चढ़ाकर कहा जाए कि तुम उड़ो, तो ठीक नहीं. और यदि किसी ने किसी के व्यक्तिगत हित पूरे नहीं किए तो उसका ट्रांसफर किया जाए तो वह भी ठीक नहीं है.'' हरियाणा कैडर के आईएएस अधिकारी अशोक खेमका (Ashok Khemka) का इससे पहले इसी साल मार्च में खेमका ट्रांसफर करते हुए उन्हें विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग का प्रधान सचिव नियुक्त किया गया था. करीब 27 साल के करियर में 53वीं बार तबादले पर अशोक खेमका का दर्द छलक पड़ा. बुधवार को उन्होंने ट्वीट कर कहा, ''फिर तबादला. लौटकर फिर वहीं. कल संविधान दिवस मनाया गया. आज सर्वोच्च न्यायालय के आदेश एवं नियमों को एक बार और तोड़ा गया. कुछ प्रसन्न होंगे. अंतिम ठिकाने जो लगा, ईमानदारी का इनाम जलालत.'' गौरतलब है कि अशोक खेमका (Ashok Khemka) गुरुग्राम में सोनिया गांधी के दामाद रॉबर्ट वाड्रा की जमीन सौदे से जुड़ी जांच के कारण सुर्खियों में रहे हैं. कहा जाता है कि अशोक खेमका जिस भी विभाग में जाते हैं, वहीं घपले-घोटाले उजागर करते हैं, जिसके चलते अक्सर उन्हें ट्रांसफर का दंश झेलना पड़ता है. वह भूपिंदर सिंह हुड्डा के शासनकाल में भी कई घोटालों का खुलासा कर चुके हैं. अशोक खेमका का जन्म पश्चिम बंगाल के कोलकाता में हुआ. उन्होंने आईआईटी खड़गपुर से 1988 में बीटेक किया और बाद में कंप्यूटर साइंस में पीएचडी किया. उन्होंने एमबीए भी कर रखी है.  बता दें कि नवंबर 2014 में तत्‍कालीन हुड्डा सरकार ने रॉबर्ट वाड्रा और डीएलएफ के लैंड डील से जुड़े खुलासे के बाद खेमका का तबादला परिवहन विभाग में कर दिया था, जिसको लेकर काफी हो-हल्ला मचा था और सरकार के इस फैसले पर सवाल उठे थे.
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: खेमका ने कहा- हर तबादला कुछ ना कुछ सिखाकर जाता है तबादला प्रक्रिया का एक विधान है, उससे अलग नहीं हट सकते सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि तीन साल का मिनिमम टेन्योर होगा
25
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: छत्तीसगढ़ में बस्तर जिले के वनक्षेत्र में पुलिस ने नक्सलियों के खिलाफ तलाशी अभियान तेज कर दिया है। नक्सलियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिसकर्मियों की कई टीमें अलग-अलग इलाकों में छापेमारी कर रही हैं। ज्ञात हो कि शुक्रवार को ही जिले में हुए एक नक्सली हमले में छह पुलिसकर्मी शहीद हो गए थे। अपर पुलिस महानिदेशक रामनिवास ने कहा, " नक्सलियों की गिरफ्तारी के लिए जिला बल (डीएफ) की कई टीमें नेतनार गांव के पास जंगली वन क्षेत्र तथा घटनास्थल के आस-पास के इलाकों में तलाशी अभियान चला रही हैं।" जगदलपुर कस्बे से महज 30 किलोमीटर दूर नेतनार गांव में जिला बल के जवानों को नक्सलियों ने शुक्रवार दोपहर निशाना बनाया था। इस घटना में छह पुलिसकर्मी शहीद हुए थे जबकि पांच की हालत अब तक गम्भीर बनी हुई है। बस्तर जिले के पुलिस अधीक्षक रतनलाल डांगी का हालांकि कहना है कि नेतनार इलाका नक्सल आतंकवाद से ज्यादा प्रभावित नहीं है। डांगी ने कहा, "हाल के महीनों में इस इलाके में नक्सलियों की मौजूदगी के कुछ मामले सामने आए हैं, लेकिन मेरा मानना है कि इस इलाके पर उनकी ज्यादा पकड़ नहीं है। उन्हें बाहर खदेड़ने के लिए हमें इलाके में नेतनार के आस-पास गहन तलाशी अभियान चलाने की आवश्यकता है।" उल्लेखनीय है कि पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वर्ष 2000 से अब तक नक्सली हिंसा में कुल 2,000 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं। बस्तर क्षेत्र के पांच जिले बीजापुर, नारायणपुर, कांकेर, बस्तर और दंतेवाड़ा नक्सली हिंसा से सबसे अधिक प्रभावित हैं।
यहाँ एक सारांश है:छत्तीसगढ़ में बस्तर जिले के वनक्षेत्र में पुलिस ने नक्सलियों के खिलाफ तलाशी अभियान तेज कर दिया है।
17
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारतीय राजनीति में 90 के दशक में लालकृष्ण आडवाणी (Lal Krishna Advani) का डंका बजता था. नई दिल्ली सीट पर साल 1991 के लोकसभा चुनाव में राजेश खन्ना (Rajesh Khanna) और लालकृष्ण आडवाणी (Lal Krishna Advani) के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिली थी. इस चुनाव में लालकृष्ण आडवाणी ने बाजी तो मार ली, लेकिन वो राजेश खन्ना की लोकप्रियता से टक्कर नहीं ले सके. इस सीट पर आडवाणी ने बेहद ही कम मार्जन से जीत हासिल की थी. नई दिल्ली सीट पर  लालकृष्ण आडवाणी (Lal Krishna Advani) को 93,662 मिले थे, जबकि हिंदी फिल्मों के सुपरस्टार राजेश खन्ना (Rajesh Khanna) को  92,073 मिले थे. वोटों के अंतर को देख कहा जा सकता है कि दोनों की हार-जीत में कोई बहुत बड़ा अंतर नहीं था. राजनीति में कोई तजुर्बा ना होने के बावजूद भी  राजेश खन्ना (Rajesh Khanna) ने जिस तरह का प्रदर्शन किया उससे उन्होंने अपनी लोकप्रियता का सिक्का जमा दिया था. चुनाव में कड़ी टक्कर मिलने के बावजूद भी आडवाणी ने कभी राजेश खन्ना से द्वेष नहीं रखा. आडवाणी ने उस दौरान अपने और राजेश खन्ना के राजनीतिक संबंधों पर तो कभी बयान नहीं दिया, लेकिन यह जरूर कहते रहे कि राजेश खन्ना बहुत अच्छे इंसान थे और उनकी हमेशा याद आएगी. लालकृष्ण आडवाणी (Lal Krishna Advani) ने साल 1992 में इस सीट से इस्तीफा दे दिया था, जिसके बाद फिर इस सीट पर उपचुनाव हुआ. कांग्रेस पार्टी ने एक बार फिर इस सीट से राजेश खन्ना (Rajesh Khanna)को प्रत्याशी बनाया, जबकि बीजेपी ने उनकी लोकप्रियता को टक्कर देने के लिए बॉलीवुड अभिनेता शत्रुघ्न सिन्हा (Shatrughan Sinha) को मैदान में उतारा था. लेकिन इस बार राजेश खन्ना ने भारी मतों के अंतर से शत्रुघ्न सिन्हा (Shatrughan Sinha) को पटखनी दे दी थी. राजेश खन्ना ने कुल 101625 मत हासिल कर 28,256 मतों के अंतर से उन्हें हराया था. राजेश खन्ना इसके बाद 1992-96 तक लोकसभा सदस्य रहे.
राजेश खन्ना की वजह से आडवाणी को जाना पड़ा था गांधीनगर राजेश खन्ना की लोकप्रियता आडवाणी पर पड़ी थी भारी राजेश खन्ना और आडवाणी में हुई थी जबरदस्त टक्कर
6
['hin']
एक सारांश बनाओ: मंत्री ने कहा कि दुर्गा पूजा/दशहरा व दीपावली पर पूरे देश में विभिन्न स्थानों से लोकप्रिय गंतव्यों के लिए रेलगाड़ियां चलाई जाएंगी और नियमित ट्रेनों में अतिरिक्त डिब्बे लगाए जाएंगे. वहीं छठ पर्व के दौरान कोलकाता, दिल्ली, मुंबई तथा सूरत/वडोदारा/अहमदाबाद क्षेत्रों से पूर्वी उत्तर प्रदेश व बिहार के लिए विशेष गाड़ियां चलाई जाएंगी. पिछले साल रेलवे ने इस त्योहारी सीजन में 3800 विशेष ट्रेन चलाई थीं जिनकी संख्या इस बार बढ़ाई गई है. त्योहारी मौसम में किए जाने वाले विशेष प्रबंधों का ब्यौरा देते हुए उन्होंने कहा कि अतिरिक्त आरक्षण खिड़कियों की व्यवस्था की जा रही है. स्टेशन पर बिक्री व वितरण का काम भी किया जाएगा. इस दौरान स्टेशनों पर भीड़- भड़ाका नहीं हो यह सुनिश्चित करने के लिए अधिक भीड़ या व्यस्त समय में प्लेटफार्म टिकटों की बिक्री बंद कर दी जाएगी और केवल यात्रियों को ही प्लेटफार्म पर जाने की अनुमति होगी. उन्होंने कहा कि यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए बड़े स्टेशनों पर पंडाल आदि की व्यवस्था की जा रही है तथा पेयजल व जनता खाना की उपलब्धता बढ़ाई जाएगी. रेलमंत्री के अनुसार रेलवे त्योहारी सीजन में यात्रियों की सुविधा के साथ साथ उनकी सुरक्षा को लेकर भी सजग है और रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) के अतिरिक्त बलों व विशेष दस्तों की तैनाती की जा रही है. उन्होंने कहा कि यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए बड़े स्टेशनों पर पंडाल आदि की व्यवस्था की जा रही है तथा पेयजल व जनता खाना की उपलब्धता बढ़ाई जाएगी. रेलमंत्री के अनुसार रेलवे त्योहारी सीजन में यात्रियों की सुविधा के साथ साथ उनकी सुरक्षा को लेकर भी सजग है और रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) के अतिरिक्त बलों व विशेष दस्तों की तैनाती की जा रही है.
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: त्योहारों में ट्रेनों की भीड़ बढ़ जाती है 300 से अधिक ट्रेनों में 9,500 अतिरिक्त कोचों की व्यवस्था ट्रेनों को समय पर चलाने पर भी रहेगा जोर
32
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: SSC ने कॉन्सटेबल जनरल ड्यूटी (SSC GD Constable) के पदों पर होने वाली भर्ती परीक्षा का एडमिट कार्ड (SSC GD Admit Card) जारी कर दिया है. जीडी कॉन्सटेबल एडमिट कार्ड (SSC GD Admit Card 2019) SSC की सभी रीजनल वेबसाइट पर जारी किया गया है. SSC GD 2019 परीक्षा 11 फरवरी से 11 मार्च तक होनी है. उम्मीदवार अपने रीजन की वेबसाइट पर जाकर अपना एडमिट कार्ड (SSC GD Hall Ticket 2019) डाउनलोड कर सकते हैं. बता दें कि कॉन्सटेबल जीडी के 54 हजार 953 पर भर्ती के लिए पिछले साल जुलाई के महीने में नोटिफिकेशन जारी किया गया था.  SSC GD के माध्यम से BSF, CRPF, SSB, ITBP, AR, NIA, और SSF में नियुक्तियां की जाएंगी. उम्मीदवार नीचे दिए गए स्टेप्स को फॉलों कर अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर पाएंगे. उम्मीदवार नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक कर मोबाइल पर एक क्लिक में अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं. SSC GD Constable Admit Card
यहाँ एक सारांश है:कॉन्सटेबल जनरल ड्यूटी एडमिट कार्ड जारी कर दिए गए हैं. एडमिट कार्ड एसएससी की रीजनल वेबसाइट पर जारी हुए हैं. परीक्षा 11 फरवरी से 11 मार्च तक होनी है.
4
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: सर्जिकल स्‍ट्राइक की वीडियो फुटेज के बारे में पूछा तो गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने थोड़ा इंतजार करने को कहा. गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने भारतीय सेना द्वारा नियंत्रण रेखा (एलओसी) पार कर आतंकी लॉन्‍च पैड्स की गई सर्जिकल स्‍ट्राइक्‍स की सराहना की. राजनाथ ने कहा कि जिस तरह उन्‍होंने इस सर्जिकल स्‍ट्राइक को अंजाम दिया है, उससे देश गौरवान्वित महसूस कर रहा है और इससे पूरी दुनिया में भारतीय सैनिकों के पराक्रम की चर्चा हो रही है. सिंह ने स्‍वच्‍छ भारत मिशन के तहत बने एक 'स्‍मार्ट टॉयलेट' का उद्घाटन करते हुए यह बात कही. उन्‍होंने कहा- ”पूरा देश, बल्कि पूरा विश्‍व इस बात से (सर्जिकल स्‍ट्राइक्‍स) वाकिफ है. जिस तरह से हमारे जवानों ने पराक्रम दिखाया है, उससे देश गौरवान्वित हुआ है।” ऑपरेशन को लेकर पाकिस्‍तान द्वारा उठाए जा रहे सवालों से जुड़े एक सवाल पर कि भारत ने ऑपरेशन की फुटेज रिलीज नहीं की, पर राजनाथ ने कहा- ”जस्‍ट वेट एंड वाच (बस इंतजार कीजिए, देखते रहिए).” शुक्रवार को सेना ने पाकिस्‍तानी मीडिया में चल रही रिपोर्टों का जोरदार खंडन किया था, जिसमें कहा गया था कि नियंत्रण रेखा के पार सात आतंकी ठिकानों पर हमलें में भारतीय जवान हताहत हुए हैं। टिप्पणियां  (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) राजनाथ ने कहा कि जिस तरह उन्‍होंने इस सर्जिकल स्‍ट्राइक को अंजाम दिया है, उससे देश गौरवान्वित महसूस कर रहा है और इससे पूरी दुनिया में भारतीय सैनिकों के पराक्रम की चर्चा हो रही है. सिंह ने स्‍वच्‍छ भारत मिशन के तहत बने एक 'स्‍मार्ट टॉयलेट' का उद्घाटन करते हुए यह बात कही. उन्‍होंने कहा- ”पूरा देश, बल्कि पूरा विश्‍व इस बात से (सर्जिकल स्‍ट्राइक्‍स) वाकिफ है. जिस तरह से हमारे जवानों ने पराक्रम दिखाया है, उससे देश गौरवान्वित हुआ है।” ऑपरेशन को लेकर पाकिस्‍तान द्वारा उठाए जा रहे सवालों से जुड़े एक सवाल पर कि भारत ने ऑपरेशन की फुटेज रिलीज नहीं की, पर राजनाथ ने कहा- ”जस्‍ट वेट एंड वाच (बस इंतजार कीजिए, देखते रहिए).” शुक्रवार को सेना ने पाकिस्‍तानी मीडिया में चल रही रिपोर्टों का जोरदार खंडन किया था, जिसमें कहा गया था कि नियंत्रण रेखा के पार सात आतंकी ठिकानों पर हमलें में भारतीय जवान हताहत हुए हैं। टिप्पणियां  (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) सिंह ने स्‍वच्‍छ भारत मिशन के तहत बने एक 'स्‍मार्ट टॉयलेट' का उद्घाटन करते हुए यह बात कही. उन्‍होंने कहा- ”पूरा देश, बल्कि पूरा विश्‍व इस बात से (सर्जिकल स्‍ट्राइक्‍स) वाकिफ है. जिस तरह से हमारे जवानों ने पराक्रम दिखाया है, उससे देश गौरवान्वित हुआ है।” ऑपरेशन को लेकर पाकिस्‍तान द्वारा उठाए जा रहे सवालों से जुड़े एक सवाल पर कि भारत ने ऑपरेशन की फुटेज रिलीज नहीं की, पर राजनाथ ने कहा- ”जस्‍ट वेट एंड वाच (बस इंतजार कीजिए, देखते रहिए).” शुक्रवार को सेना ने पाकिस्‍तानी मीडिया में चल रही रिपोर्टों का जोरदार खंडन किया था, जिसमें कहा गया था कि नियंत्रण रेखा के पार सात आतंकी ठिकानों पर हमलें में भारतीय जवान हताहत हुए हैं। टिप्पणियां  (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) शुक्रवार को सेना ने पाकिस्‍तानी मीडिया में चल रही रिपोर्टों का जोरदार खंडन किया था, जिसमें कहा गया था कि नियंत्रण रेखा के पार सात आतंकी ठिकानों पर हमलें में भारतीय जवान हताहत हुए हैं। टिप्पणियां  (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)  (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने सर्जिकल स्‍ट्राइक्‍स पर भारतीय सेना की सराहना की कहा पूरी दुनिया में हो रही है भारतीय सैनिकों के पराक्रम की चर्चा बीते शुक्रवार को सेना ने पाकिस्तानी मीडिया खबरों को किया था खारिज
6
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल ने कहा है कि जम्मू-कश्मीर का 92.5 फीसदी भूभाग पाबंदियों से मुक्त कर दिया गया है. वहीं राजनीतिक दलों को नेताओं को नजरबंद रखने के मामले में उन्होंने कहा कि किसी भी घटना को होने से रोकना के लिए उनको हिरासत में रखा गया है क्योंकि भीड़ इकट्ठा होने पर आतंकवादी इसका फायदा उठा सकते हैं. उन्होंने कहा कि किसी भी नेता को  आपराधिक या देशद्रोह का मामला नहीं है. उनको हिरासत में सिर्फ इसलिए रखा गया है ताकि राज्य में राज्य में लोकतंत्र लागू होने का माहौल बन सके और विश्वास है कि ऐसा बहुत जल्द हो जाएगा. उन्होंने कहा कि जो कुछ भी किया गया कानून के मुताबिक है और नेता अपनी हिरासत के खिलाफ कोर्ट का दरवाजा खटखटका सकते हैं.  अजीत डोभाल ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में हालात जितना उन्होंने सोचा था उससे कहीं ज्यादा बेहतर हैं सिवाए 6 अगस्त वाली घटना को छोड़कर जिसमें एक लड़के की मौत गई. डोभाल ने यह भी कहा कि उसकी मौत गोली लगने से नहीं हुई है. डोभाल ने कहा कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट कहती है कि उसकी लड़के की मौत किसी कठोर चीज के लगने से हुई है. इतने दिनों में सिर्फ एक ही घटना हुई है जो आतंकवाद से प्रभावित है. एनएसए ने कहा कि हम चाहते हैं कि सभी पाबंदियां हट जाएं लेकिन यह पाकिस्तान की हरकतों पर निर्भर करेगा. अगर पाकिस्तान से ठीक से व्यवहार करे तो घुसपैठ नहीं होगी और वह अपने टावरों से आतंकवादियों को सिग्नल को भेजना बंद कर दे तो सभी पाबंदियां हटा ली जाएंगी.  डोभाल ने बताया कि भारत-पाकिस्तान की सीमा से 20 किलोमीटर की दूरी पर कम्युनिकेश टावर लगे हुए हैं जिनसे पाकिस्तान की ओर से संदेश भेजे जा रहे हैं. हमने कुछ संदेश सुने हैं जिनमें कहा जा रहा है, सेब से भरे इतने ट्रक कैसे भेजे जा रहे हैं, क्या उनको रोक नहीं सकते. क्या हम तुमको चूड़ियां भेजें? अजीत डोभाल ने पाकिस्तान की ओर से कोडवर्ड में की जा रही बातों को  मतलब बताया कि वे सामना अपने गुर्गों से हथियार और लोजेस्टिक के इस्तेमाल की बात कर रहे हैं. अजीत डोभाल ने बताया कि श्रीनगर से हर रोज 750 ट्रकों की आवाजाही हो रही है. कल दो आतंकवादी यहां के मशहूर फल विक्रेता हमीदुल्लाह को निशाना बनाना चाहते थे. लेकिन वह उनको पा नहीं सके क्यों कि हमीदुल्लाह नमाज पढ़ने चले गए थे. लेकिन उन आतंकवादियों ने हमीदुल्लाह की दुकान में काम करने वाले दो लोगों  को जबरदस्ती उनके घर सोपोर लेकर चले गए जहां ढाई साल की बेटी आसम जान और और बेटे मोहम्मद अरशद को गोली मार दी. दोनों आतंकी पाकिस्तानी थे और उनके हाथ में पिस्टल थी. वे पंजाबी बोल रहे थे. घटना को अंजाम देने के फरार हो गए. इसके अलावा एक और घटना जिसमें एक दुकानदार को गोली मार दी क्योंकि वह दुकान खोलने की कोशिश में लगा था. डोभाल ने कहा पाकिस्तान यहां ऐसे हालात पैदा करना चाहता है ताकि वह अंतरराष्ट्रीय समुदाय को बता सके कि यहां पर अशांति है. पाकिस्तान यहां प्रोपेगंडा फैलाना चाहता था और कुछ अनभिज्ञ लोग एक दो घटनाओं को आम लोगों की राय बता रहे हैं. उन्होंने यह भी बताया कि घायल बच्ची को एम्स में भर्ती करने के निर्देश दिए गए हैं. गौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने के बाद से राज्य में कई तरह के पाबंदियां लगा दी गई थीं. उसके बाद कई नेताओं को नजरबंद कर दिया गया था. जिसमें पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला, मेहबूबा मुफ्ती और फारुख अब्दुल्ला शामिल हैं.
संक्षिप्त सारांश: डोभाल ने कहा, 92.5 फीसदी भूभाग पाबंदियों से मुक्त कहा, किसी भी नेता पर आपराधिक या देशद्रोह का मामला नहीं जो कुछ भी किया गया है, वह कानून के मुताबिक है
23
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: गुजरात के मुख्यमंत्री नरेन्द्र मोदी के तीन दिन के उपवास का आज दूसरा दिन है। सुबह से ही उपवास स्थल पर भीड़ का इकट्ठा होना आरंभ हो गया था। इस भीड़ को काबू करने के लिए अंतत: पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है। आज मोदी के मंच पर बीजेपी नेता शाहनवाज़ हुसैन, प्रकाश जावड़ेकर और बिहार बीजेपी के नेता पहुंचे। इनके अलावा कर्नाटक के मुख्यमंत्री सदानंद गौड़ा भी मंच पर नज़र आए। शनिवार से शुरू हुए मोदी के सद्भावना मिशन में बीजेपी के कई बड़े नेता पहुंचे। उपवास मंच से बीजेपी नेताओं के भाषण से यह साफ हो गया है कि अब मोदी केन्द्र की राजनीति में जल्द अपना कदम बढ़ाने वाले हैं। मोदी ने अपने भाषण के दौरान गुजरात की उपलब्धियां गिनवाईं। उन्होंने गुजरात को सबसे विकसित और सफल राज्य बताया। अहमदाबाद पहुंचे बिहार के बीजेपी नेता रामेश्वर चौरसिया ने कहा कि सबको गठबंधन धर्म का पालन करना चाहिए। हालांकि ये बीजेपी का कायर्क्रम है जिसे यह सब सही लगता है वो यहां आए और जिसे नहीं वो ना आए। कल से शुरू हुए मोदी के सद्भावना मिशन में बीजेपी के कई बड़े नेता पहुंचे। उपवास मंच से बीजेपी नेताओं के भाषण से ये साफ हो गया है कि अब मोदी केन्द्र की राजनीति में जल्द अपना कदम बढ़ाने वाले हैं। मोदी ने अपने भाषण के दौरान गुजरात की उपलब्धियां गिनवाईं। उन्होंने गुजरात को सबसे विकसित और सफल राज्य बताया। राजनीतिक हल्कों में यह प्रश्न उठ रहा है कि आखिर मोदी को अचानक सद्भावना मिशन करने की ज़रूरत क्यों पड़ी। भले ही बीजेपी के अंदरुनी समीकरण साफ करते हैं कि उनका कद बड़ा हो रहा है, लेकिन मोदी खुद जानते हैं कि उनका मकसद तब तक पूरा नहीं होगा जब तक सांप्रदायिक होने की छवि को वो धो नहीं लेंगे।
संक्षिप्त पाठ: गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र सिंह मोदी के उपवास स्थल पर उमड़ी भीड़ को काबू करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा है। स्थिति काबू में है।
14
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारत में सुधारों की गति थमने का बयान देकर आलोचन का सामना कर रहे मुख्य आर्थिक सलाहकार कौशिक बसु को अब लगता है कि अगले छह महीनों में देश में कुछ महत्वपूर्ण सुधार देखने को मिलेंगे, जिनमें सब्सिडी कम करने, डीजल को आंशिक तौर पर नियंत्रणमुक्त करने व खुदरा क्षेत्र में एफडीआई को अनुमति देने जैसे शामिल हो सकते हैं। हालांकि, उन्हें लगता है कि सबसे बड़े सुधार जीएसटी (वस्तु व सेवा कर) को लागू करना कुछ कठिन हो सकता है, क्योंकि यह अच्छा है और वर्तमान व्यवस्था में इस पर आम सहमति नहीं बन पा रही है। बसु ने यह भी कहा कि 2014 में यूरोपीय संघ में एक और गंभीर संकट खड़ा होने का जोखिम है और ऐसे में ऐसे उचित कदम उठाने की जरूरत है कि कोई और बड़ा वैश्विक आर्थिक संकट न खड़ा हो।टिप्पणियां बुधवार को बसु ने अमेरिका में एक अध्ययन संस्थान में अपने व्याख्यान के दौरान यह कहकर राजनीतिक गलियारे में खलबली मचा दी कि भारत में 2014 के आम चुनाव तक आर्थिक नीति में कोई बड़ा सुधारात्मक कदम उठाए जाने की संभावना नहीं है। बसु ने कहा, ‘‘मुझे उम्मीद है कि जो सुधार होंगे, उनमें एक सब्सिडी संबंधी सुधार है। वित्तमंत्री अपने बजट में इस बारे में चर्चा कर चुके हैं। हम यूआईडी (विशिष्ट पहचान संख्या) प्रणाली का इस्तेमाल करने की कोशिश करेंगे, जिससे सब्सिडी का लीकेज बंद हो।’’ उन्होंने कहा, ‘‘इससे राजकोषीय घाटे में कमी लाने में मदद मिलेगी...इसलिए यह एक बहुत महत्वपूर्ण सुधार है, जो मुझे लगता है कि होगा।’’ बहु-ब्रांड खुदरा क्षेत्र में एफडीआई पर बसु ने कहा, ‘‘आप शत-प्रतिशत आश्वस्त नहीं हो सकते, लेकिन मुझे लगता है कि यह होने की बहुत संभावना है। यह भारतीय किसानों व छोटे उत्पादकों के लिए एक बड़ा वरदान हो सकता है। इससे निवेशकों का भरोसा भी बढ़ेगा।’’ बसु ने कहा कि डीजल को नियंत्रणमुक्त करना राजनीतिक तौर पर अधिक मुश्किल है, लेकिन इसे आंशिक तौर पर नियंत्रणमुक्त किया जा सकता है। हालांकि, उन्हें लगता है कि सबसे बड़े सुधार जीएसटी (वस्तु व सेवा कर) को लागू करना कुछ कठिन हो सकता है, क्योंकि यह अच्छा है और वर्तमान व्यवस्था में इस पर आम सहमति नहीं बन पा रही है। बसु ने यह भी कहा कि 2014 में यूरोपीय संघ में एक और गंभीर संकट खड़ा होने का जोखिम है और ऐसे में ऐसे उचित कदम उठाने की जरूरत है कि कोई और बड़ा वैश्विक आर्थिक संकट न खड़ा हो।टिप्पणियां बुधवार को बसु ने अमेरिका में एक अध्ययन संस्थान में अपने व्याख्यान के दौरान यह कहकर राजनीतिक गलियारे में खलबली मचा दी कि भारत में 2014 के आम चुनाव तक आर्थिक नीति में कोई बड़ा सुधारात्मक कदम उठाए जाने की संभावना नहीं है। बसु ने कहा, ‘‘मुझे उम्मीद है कि जो सुधार होंगे, उनमें एक सब्सिडी संबंधी सुधार है। वित्तमंत्री अपने बजट में इस बारे में चर्चा कर चुके हैं। हम यूआईडी (विशिष्ट पहचान संख्या) प्रणाली का इस्तेमाल करने की कोशिश करेंगे, जिससे सब्सिडी का लीकेज बंद हो।’’ उन्होंने कहा, ‘‘इससे राजकोषीय घाटे में कमी लाने में मदद मिलेगी...इसलिए यह एक बहुत महत्वपूर्ण सुधार है, जो मुझे लगता है कि होगा।’’ बहु-ब्रांड खुदरा क्षेत्र में एफडीआई पर बसु ने कहा, ‘‘आप शत-प्रतिशत आश्वस्त नहीं हो सकते, लेकिन मुझे लगता है कि यह होने की बहुत संभावना है। यह भारतीय किसानों व छोटे उत्पादकों के लिए एक बड़ा वरदान हो सकता है। इससे निवेशकों का भरोसा भी बढ़ेगा।’’ बसु ने कहा कि डीजल को नियंत्रणमुक्त करना राजनीतिक तौर पर अधिक मुश्किल है, लेकिन इसे आंशिक तौर पर नियंत्रणमुक्त किया जा सकता है। बुधवार को बसु ने अमेरिका में एक अध्ययन संस्थान में अपने व्याख्यान के दौरान यह कहकर राजनीतिक गलियारे में खलबली मचा दी कि भारत में 2014 के आम चुनाव तक आर्थिक नीति में कोई बड़ा सुधारात्मक कदम उठाए जाने की संभावना नहीं है। बसु ने कहा, ‘‘मुझे उम्मीद है कि जो सुधार होंगे, उनमें एक सब्सिडी संबंधी सुधार है। वित्तमंत्री अपने बजट में इस बारे में चर्चा कर चुके हैं। हम यूआईडी (विशिष्ट पहचान संख्या) प्रणाली का इस्तेमाल करने की कोशिश करेंगे, जिससे सब्सिडी का लीकेज बंद हो।’’ उन्होंने कहा, ‘‘इससे राजकोषीय घाटे में कमी लाने में मदद मिलेगी...इसलिए यह एक बहुत महत्वपूर्ण सुधार है, जो मुझे लगता है कि होगा।’’ बहु-ब्रांड खुदरा क्षेत्र में एफडीआई पर बसु ने कहा, ‘‘आप शत-प्रतिशत आश्वस्त नहीं हो सकते, लेकिन मुझे लगता है कि यह होने की बहुत संभावना है। यह भारतीय किसानों व छोटे उत्पादकों के लिए एक बड़ा वरदान हो सकता है। इससे निवेशकों का भरोसा भी बढ़ेगा।’’ बसु ने कहा कि डीजल को नियंत्रणमुक्त करना राजनीतिक तौर पर अधिक मुश्किल है, लेकिन इसे आंशिक तौर पर नियंत्रणमुक्त किया जा सकता है। बहु-ब्रांड खुदरा क्षेत्र में एफडीआई पर बसु ने कहा, ‘‘आप शत-प्रतिशत आश्वस्त नहीं हो सकते, लेकिन मुझे लगता है कि यह होने की बहुत संभावना है। यह भारतीय किसानों व छोटे उत्पादकों के लिए एक बड़ा वरदान हो सकता है। इससे निवेशकों का भरोसा भी बढ़ेगा।’’ बसु ने कहा कि डीजल को नियंत्रणमुक्त करना राजनीतिक तौर पर अधिक मुश्किल है, लेकिन इसे आंशिक तौर पर नियंत्रणमुक्त किया जा सकता है।
संक्षिप्त पाठ: भारत में सुधारों की गति थमने का बयान देकर आलोचन का सामना कर रहे मुख्य आर्थिक सलाहकार कौशिक बसु को अब लगता है कि छह महीनों में कुछ महत्वपूर्ण सुधार देखने को मिलेंगे।
22
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: बलात्कार और पुरुष होने की आरोपी एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली एथलीट पिंकी प्रमाणिक का मंगलवार को लिंग निर्धारण परीक्षण किया गया। पिंकी को गिरफ्तारी के बाद न्यायिक हिरासत में रखा गया है। बिधाननगर (उत्तरी 24 परगना) के पुलिस आयुक्त राजीब कुमार ने कहा, "पिंकी का मंगलवार को लिंग निर्धारण परीक्षण किया गया। यह परीक्षण एक सरकारी अस्पताल में किया गया। इस काम के लिए  सात सदस्यीय टीम गठित की गई थी। " पिंकी को गुरुवार को गिरफ्तार किया गया था और शुक्रवार को अदालत ने उसे 14 दिनों के लिए न्यायाकि हिरासत में भेज दिया था। पिंकी की लिव-इन पार्टनर ने आरोप लगाया था कि वह पुरुष है और उसने उसके साथ बलात्कार किया है। इस विधवा के मुताबिक पिंकी ने उसे शारीरिक यातना भी दी है। पुलिस ने कहा कि इससे पहले दो बार यौन पहचान परीक्षण कराने से इनकार कर चुकी पिंकी सोमवार को इस परीक्षण के लिए सहर्ष तैयार हो गई थी। पिंकी ने पूरे मामले में खुद को निर्दोष करार दिया है और कहा है कि उसके खिलाफ षडयंत्र किया जा रहा है। इन सबसे बेपरवाह पूर्व रेलवे ने रविवार को पिंकी को टिकट कलेक्टर पद से निलम्बित कर  दिया था।
संक्षिप्त सारांश: बलात्कार और पुरुष होने की आरोपी एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली एथलीट पिंकी प्रमाणिक का मंगलवार को लिंग निर्धारण परीक्षण किया गया।
0
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: उत्तराखण्ड एवं इससे सटे हिमाचल प्रदेश में मध्य रात्रि के बाद रिक्टर पैमाने पर पांच तीव्रता वाले भूकम्प के झटके महसूस किए गए। मौसम विभाग के अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।टिप्पणियां भारतीय मौसम विभाग में सिस्मोलॉजी विभाग के निदेशक (संचालन) जेएल गौतम ने बताया, "भूकम्प का केंद्र उत्तरकाशी जिले में स्थित था। भूकम्प के झटके शुक्रवार रात 12:45 बजे महसूस किए गए।" उन्होंने बताया, "भूकम्प के लिहाज से वर्गीकृत श्रेणी 5 में यह इलाका आता है। इसलिए यह क्षेत्र भूकम्प के प्रति संवेदनशील है।" यद्यपि जानमाल की क्षति का कोई समाचार नहीं मिला है। यह झटके पड़ोसी राज्य हिमाचल प्रदेश में भी महसूस किए गए। इससे पहले मौसम विभाग ने भूकम्प का केंद्र उत्तराखण्ड के चमोली जिले में स्थित बताया था। भारतीय मौसम विभाग में सिस्मोलॉजी विभाग के निदेशक (संचालन) जेएल गौतम ने बताया, "भूकम्प का केंद्र उत्तरकाशी जिले में स्थित था। भूकम्प के झटके शुक्रवार रात 12:45 बजे महसूस किए गए।" उन्होंने बताया, "भूकम्प के लिहाज से वर्गीकृत श्रेणी 5 में यह इलाका आता है। इसलिए यह क्षेत्र भूकम्प के प्रति संवेदनशील है।" यद्यपि जानमाल की क्षति का कोई समाचार नहीं मिला है। यह झटके पड़ोसी राज्य हिमाचल प्रदेश में भी महसूस किए गए। इससे पहले मौसम विभाग ने भूकम्प का केंद्र उत्तराखण्ड के चमोली जिले में स्थित बताया था। इससे पहले मौसम विभाग ने भूकम्प का केंद्र उत्तराखण्ड के चमोली जिले में स्थित बताया था।
संक्षिप्त सारांश: उत्तराखण्ड एवं इससे सटे हिमाचल प्रदेश में मध्य रात्रि के बाद रिक्टर पैमाने पर पांच तीव्रता वाले भूकम्प के झटके महसूस किए गए।
23
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: मुख्य आर्थिक सलाहकार कृष्णमूर्ति सुब्रमणियन (Krishnamurthy Subramanian) ने प्राइवेट कंपनियों को संदेश देते हुए कहा कि कंपनियों को सरकार के सामने हमेशा वित्तीय पैकेज के लिए नहीं रोना चाहिए और उन्हें खुद के पैरों पर खड़ा होना सीखना चाहिए. इकोनॉमिक टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक सुब्रमणियन (Krishnamurthy Subramanian) ने कहा कि कंपनियों को अपनी सोच बदलने की जरूरत है. उन्होंने कहा कि सरकार के समर्थन की जरूरत कंपनियों को शुरुआत में होती है, उस समय नहीं, जब वो आगे बढ़ रही हों. एक उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा, 'भारत में प्राइवेट सेक्टर 1991 से हैं और अब वह 30 साल का है. एक 30 साल के आदमी को अब यह कहने की जरूरत है कि मैं अपने पैरों पर खड़ा हो सकता हूं. मुझे पापा के पास जाने की जरूरत नहीं है.' उन्होंने कहा, 'हमें आगे बढ़ने की जरूरत है. हम एक मार्केट इकोनॉमी हैं. जहां जब कोई संपत्ति को सही से नहीं संभालता तो इसका दोबारा आवंटन कर दिया जाता है.' सुब्रमणियन ने यह बातें जना स्मॉल फाइनेंस बैंक द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में कहीं.    बता दें कि मौजूदा आर्थिक गिरावट को 'अभूतपूर्व स्थिति' करार देते हुए नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार ने कहा है, "पिछले 70 सालों में (हमने) तरलता (लिक्विडिटी) को लेकर इस तरह की स्थिति का सामना नहीं किया, जब समूचा वित्तीय क्षेत्र (फाइनेंशियल सेक्टर) आंदोलित है..." समाचार एजेंसी ANI के मुताबिक, नीति आयोग उपाध्यक्ष ने यह भी कहा कि सरकार को 'हर वह कदम उठाना चाहिए, जिससे प्राइवेट सेक्टर की चिंताओं में से कुछ को तो दूर किया जा सके...' देश के शीर्ष अर्थशास्त्री की यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है, जब देश की अर्थव्यवस्था पिछले पांच साल के दौरान वृद्धि की सबसे खराब गति को निहार रही है. राजीव कुमार ने कहा, "सरकार बिल्कुल समझती है कि समस्या वित्तीय क्षेत्र में है... तरलता (लिक्विडिटी) इस वक्त दिवालियापन में तब्दील हो रही है... इसलिए आपको इसे रोकना ही होगा..."
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: मुख्य आर्थिक सलाहकार ने दिया संदेश 'कंपनियां सरकार के सामने ना रोएं रोना' 'पापा बचाओ की मानसिकता बदलने की जरूरत'
25
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: यूपी के सीएम अखिलेश यादव अपने गठबंधन के साथी राहुल गांधी का जमकर साथ दे रहे हैं. राहुल गांधी को 'इमैच्योर' (नासमझ) बताने वाले बयान पर उन्होंने उल्टा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को घेरा है. एनडीटीवी से खास बातचीत में अखिलेश ने मोदी और शाह को नासमझ क़रार दिया है.टिप्पणियां अखिलेश ने कहा - 'राहुल अच्छे राजनेता हैं. अपनी पार्टी अच्छे से लीड कर रहे हैं. कैंपेन में पूरी समझदारी के साथ, पूरी ज़िम्मेदारी के साथ बीजेपी को घेरा है. अरे हम तो कहते हैं प्रधानमंत्री और बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ईमैच्योर हैं यूपी की पॉलिटिक्स को देख कर के. उत्तर प्रदेश का विकास देख कर के वे ख़ुद मैच्योर नहीं हैं. क्योंकि जो काम हमने यहां किया है, भारतीय जनता पार्टी ऐसा एक राज्य बताए जहां उन्होंने ऐसा काम किया हो. ग़ौरतलब है कि एक अंग्रेज़ी अख़बार ने यह छाप दिया था कि शीला दीक्षित ने राहुल में 'मैच्योरिटी की कमी बताई है. बीजेपी की तरफ़ से इसे तूल देने की कोशिश हुई. हालांकि शीला दीक्षित ने इस अख़बार में छपी ख़बर को बेतुका और बेबुनियाद बताया और कहा कि उनके बयान को तोड़ मरोड़ कर और ग़लत व्याख्या के साथ छापा गया है. अखिलेश ने कहा - 'राहुल अच्छे राजनेता हैं. अपनी पार्टी अच्छे से लीड कर रहे हैं. कैंपेन में पूरी समझदारी के साथ, पूरी ज़िम्मेदारी के साथ बीजेपी को घेरा है. अरे हम तो कहते हैं प्रधानमंत्री और बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ईमैच्योर हैं यूपी की पॉलिटिक्स को देख कर के. उत्तर प्रदेश का विकास देख कर के वे ख़ुद मैच्योर नहीं हैं. क्योंकि जो काम हमने यहां किया है, भारतीय जनता पार्टी ऐसा एक राज्य बताए जहां उन्होंने ऐसा काम किया हो. ग़ौरतलब है कि एक अंग्रेज़ी अख़बार ने यह छाप दिया था कि शीला दीक्षित ने राहुल में 'मैच्योरिटी की कमी बताई है. बीजेपी की तरफ़ से इसे तूल देने की कोशिश हुई. हालांकि शीला दीक्षित ने इस अख़बार में छपी ख़बर को बेतुका और बेबुनियाद बताया और कहा कि उनके बयान को तोड़ मरोड़ कर और ग़लत व्याख्या के साथ छापा गया है. ग़ौरतलब है कि एक अंग्रेज़ी अख़बार ने यह छाप दिया था कि शीला दीक्षित ने राहुल में 'मैच्योरिटी की कमी बताई है. बीजेपी की तरफ़ से इसे तूल देने की कोशिश हुई. हालांकि शीला दीक्षित ने इस अख़बार में छपी ख़बर को बेतुका और बेबुनियाद बताया और कहा कि उनके बयान को तोड़ मरोड़ कर और ग़लत व्याख्या के साथ छापा गया है.
संक्षिप्त सारांश: अखिलेश यादव ने कहा कि अमित शाह और पीएम मोदी नासमझी दिखाते हैं उन्होंने कहा राहुल अच्छे नेता हैं. अपनी पार्टी अच्छे से लीड कर रहे हैं. अखिलेश ने कहा कि बीजेपी ने हमारे जैसा काम किसी राज्य में नहीं किया है
10
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: रिलायंस जियो ने सेल्युलर ऑपरेटर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (सीओएआई) पर नया हमला बोलते हुए कहा कि उसके अंदर वोट के नियम 'बहुत अधिक पक्षपातपूर्ण और एकतरफा' हैं और ये मौजूदा ऑपरेटरों भारती एयरटेल, वोडाफोन और आइडिया के निहित स्वार्थों को पूरा करने के लिए बनाए गए हैं. मुकेश अंबानी की अगुवाई वाली दूरसंचार कंपनी फिलहाल इंटरनकनेक्ट के मुद्दों पर मौजूदा ऑपरेटरों के साथ कटु वाकयुद्ध में लगी है. उसने सीओएआई के नियमों में बदलाव की मांग करते हुए कहा है कि मौजूदा वोटिंग व्यवस्था में उचित, ईमानदारी, जवाबदेही और पारदर्शिता के लोकतांत्रिक सिद्धान्तों का अभाव है. जियो ने आरोप लगाया कि वोटिंग अधिकार दबदबे वाले ऑपरेटरों (आईडीओ) के पक्ष में झुके हुए हैं. इससे वे संघ के किसी या सभी निर्णयों पर उनका पूरा नियंत्रण है. जियो ने सीओएआई को लिखे पत्र में कहा है, 'हम सीओएआई के नियमनों और प्रक्रियाओं में संशोधन और बदलाव चाहते हैं. इसके लिए सुप्रीम कोर्ट के तीन सेवानिवृत्त न्यायाधीशों की समिति का गठन किया जाना चाहिए. हाल में 4जी सेवाओं के साथ बाजार में उतरने वाली रिलायंस जियो ने सीओएआई के वोटिंग अधिकारों पर हमला बोलते हुए कहा कि मौजूदा दबदबे वाले ऑपरेटरों (आईडीओ) का उसके कुल वोटों में 68 प्रतिशत का हिस्सा है. ऐसे में निर्णय प्रक्रिया पर उनका नियंत्रण हैं. अन्य कोर (मुख्य) सदस्यों को इसमें 'शून्य' कर दिया गया है. रिलायंस जियो खुद भी सीओएआई की सदस्य हैं. जियो ने कहा कि कार्यकारी परिषद में कोर सदस्यों का वोटिंग अधिकार समायोजित सकल राजस्व के आधार पर तय होता है. प्रत्येक आईडीओ के पास वोट की अधिकतम सीमा 7 है. राजस्व के हिसाब से 60.84 प्रतिशत बाजार हिस्सेदारी रखने वाले तीन आपरेटरों के सात-सात यानी कुल 21 वोट हैं. इनके अलावा चार कोर सदस्यों के पर कुल मिलाकर 10 वोट हैं. इस तरह वोटिंग में दबदबे वाले पुराने प्रमुख ऑपरेटरों (आईडीओ) का हिस्सा 68 प्रतिशत बैठता है.टिप्पणियां जियो ने पत्र में कहा है कि इस तरह वीओएआई की पूरी कार्यकारी परिषद पर पुराने बड़े ऑपरेटरों का कब्जा है. कंपनी का कहना है कि आईडीओ ने एक प्रकार से गठजोड़ बनाया हुआ है, जिससे वे सीओएआई में अपने निहित स्वार्थों की पूर्ति कर सकें. जियो ने इस पत्र की प्रति दूरसंचार मंत्री, दूरसंचार सचिव और ट्राई के चेयरमैन को भेजी है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) मुकेश अंबानी की अगुवाई वाली दूरसंचार कंपनी फिलहाल इंटरनकनेक्ट के मुद्दों पर मौजूदा ऑपरेटरों के साथ कटु वाकयुद्ध में लगी है. उसने सीओएआई के नियमों में बदलाव की मांग करते हुए कहा है कि मौजूदा वोटिंग व्यवस्था में उचित, ईमानदारी, जवाबदेही और पारदर्शिता के लोकतांत्रिक सिद्धान्तों का अभाव है. जियो ने आरोप लगाया कि वोटिंग अधिकार दबदबे वाले ऑपरेटरों (आईडीओ) के पक्ष में झुके हुए हैं. इससे वे संघ के किसी या सभी निर्णयों पर उनका पूरा नियंत्रण है. जियो ने सीओएआई को लिखे पत्र में कहा है, 'हम सीओएआई के नियमनों और प्रक्रियाओं में संशोधन और बदलाव चाहते हैं. इसके लिए सुप्रीम कोर्ट के तीन सेवानिवृत्त न्यायाधीशों की समिति का गठन किया जाना चाहिए. हाल में 4जी सेवाओं के साथ बाजार में उतरने वाली रिलायंस जियो ने सीओएआई के वोटिंग अधिकारों पर हमला बोलते हुए कहा कि मौजूदा दबदबे वाले ऑपरेटरों (आईडीओ) का उसके कुल वोटों में 68 प्रतिशत का हिस्सा है. ऐसे में निर्णय प्रक्रिया पर उनका नियंत्रण हैं. अन्य कोर (मुख्य) सदस्यों को इसमें 'शून्य' कर दिया गया है. रिलायंस जियो खुद भी सीओएआई की सदस्य हैं. जियो ने कहा कि कार्यकारी परिषद में कोर सदस्यों का वोटिंग अधिकार समायोजित सकल राजस्व के आधार पर तय होता है. प्रत्येक आईडीओ के पास वोट की अधिकतम सीमा 7 है. राजस्व के हिसाब से 60.84 प्रतिशत बाजार हिस्सेदारी रखने वाले तीन आपरेटरों के सात-सात यानी कुल 21 वोट हैं. इनके अलावा चार कोर सदस्यों के पर कुल मिलाकर 10 वोट हैं. इस तरह वोटिंग में दबदबे वाले पुराने प्रमुख ऑपरेटरों (आईडीओ) का हिस्सा 68 प्रतिशत बैठता है.टिप्पणियां जियो ने पत्र में कहा है कि इस तरह वीओएआई की पूरी कार्यकारी परिषद पर पुराने बड़े ऑपरेटरों का कब्जा है. कंपनी का कहना है कि आईडीओ ने एक प्रकार से गठजोड़ बनाया हुआ है, जिससे वे सीओएआई में अपने निहित स्वार्थों की पूर्ति कर सकें. जियो ने इस पत्र की प्रति दूरसंचार मंत्री, दूरसंचार सचिव और ट्राई के चेयरमैन को भेजी है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) जियो ने आरोप लगाया कि वोटिंग अधिकार दबदबे वाले ऑपरेटरों (आईडीओ) के पक्ष में झुके हुए हैं. इससे वे संघ के किसी या सभी निर्णयों पर उनका पूरा नियंत्रण है. जियो ने सीओएआई को लिखे पत्र में कहा है, 'हम सीओएआई के नियमनों और प्रक्रियाओं में संशोधन और बदलाव चाहते हैं. इसके लिए सुप्रीम कोर्ट के तीन सेवानिवृत्त न्यायाधीशों की समिति का गठन किया जाना चाहिए. हाल में 4जी सेवाओं के साथ बाजार में उतरने वाली रिलायंस जियो ने सीओएआई के वोटिंग अधिकारों पर हमला बोलते हुए कहा कि मौजूदा दबदबे वाले ऑपरेटरों (आईडीओ) का उसके कुल वोटों में 68 प्रतिशत का हिस्सा है. ऐसे में निर्णय प्रक्रिया पर उनका नियंत्रण हैं. अन्य कोर (मुख्य) सदस्यों को इसमें 'शून्य' कर दिया गया है. रिलायंस जियो खुद भी सीओएआई की सदस्य हैं. जियो ने कहा कि कार्यकारी परिषद में कोर सदस्यों का वोटिंग अधिकार समायोजित सकल राजस्व के आधार पर तय होता है. प्रत्येक आईडीओ के पास वोट की अधिकतम सीमा 7 है. राजस्व के हिसाब से 60.84 प्रतिशत बाजार हिस्सेदारी रखने वाले तीन आपरेटरों के सात-सात यानी कुल 21 वोट हैं. इनके अलावा चार कोर सदस्यों के पर कुल मिलाकर 10 वोट हैं. इस तरह वोटिंग में दबदबे वाले पुराने प्रमुख ऑपरेटरों (आईडीओ) का हिस्सा 68 प्रतिशत बैठता है.टिप्पणियां जियो ने पत्र में कहा है कि इस तरह वीओएआई की पूरी कार्यकारी परिषद पर पुराने बड़े ऑपरेटरों का कब्जा है. कंपनी का कहना है कि आईडीओ ने एक प्रकार से गठजोड़ बनाया हुआ है, जिससे वे सीओएआई में अपने निहित स्वार्थों की पूर्ति कर सकें. जियो ने इस पत्र की प्रति दूरसंचार मंत्री, दूरसंचार सचिव और ट्राई के चेयरमैन को भेजी है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) हाल में 4जी सेवाओं के साथ बाजार में उतरने वाली रिलायंस जियो ने सीओएआई के वोटिंग अधिकारों पर हमला बोलते हुए कहा कि मौजूदा दबदबे वाले ऑपरेटरों (आईडीओ) का उसके कुल वोटों में 68 प्रतिशत का हिस्सा है. ऐसे में निर्णय प्रक्रिया पर उनका नियंत्रण हैं. अन्य कोर (मुख्य) सदस्यों को इसमें 'शून्य' कर दिया गया है. रिलायंस जियो खुद भी सीओएआई की सदस्य हैं. जियो ने कहा कि कार्यकारी परिषद में कोर सदस्यों का वोटिंग अधिकार समायोजित सकल राजस्व के आधार पर तय होता है. प्रत्येक आईडीओ के पास वोट की अधिकतम सीमा 7 है. राजस्व के हिसाब से 60.84 प्रतिशत बाजार हिस्सेदारी रखने वाले तीन आपरेटरों के सात-सात यानी कुल 21 वोट हैं. इनके अलावा चार कोर सदस्यों के पर कुल मिलाकर 10 वोट हैं. इस तरह वोटिंग में दबदबे वाले पुराने प्रमुख ऑपरेटरों (आईडीओ) का हिस्सा 68 प्रतिशत बैठता है.टिप्पणियां जियो ने पत्र में कहा है कि इस तरह वीओएआई की पूरी कार्यकारी परिषद पर पुराने बड़े ऑपरेटरों का कब्जा है. कंपनी का कहना है कि आईडीओ ने एक प्रकार से गठजोड़ बनाया हुआ है, जिससे वे सीओएआई में अपने निहित स्वार्थों की पूर्ति कर सकें. जियो ने इस पत्र की प्रति दूरसंचार मंत्री, दूरसंचार सचिव और ट्राई के चेयरमैन को भेजी है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) जियो ने कहा कि कार्यकारी परिषद में कोर सदस्यों का वोटिंग अधिकार समायोजित सकल राजस्व के आधार पर तय होता है. प्रत्येक आईडीओ के पास वोट की अधिकतम सीमा 7 है. राजस्व के हिसाब से 60.84 प्रतिशत बाजार हिस्सेदारी रखने वाले तीन आपरेटरों के सात-सात यानी कुल 21 वोट हैं. इनके अलावा चार कोर सदस्यों के पर कुल मिलाकर 10 वोट हैं. इस तरह वोटिंग में दबदबे वाले पुराने प्रमुख ऑपरेटरों (आईडीओ) का हिस्सा 68 प्रतिशत बैठता है.टिप्पणियां जियो ने पत्र में कहा है कि इस तरह वीओएआई की पूरी कार्यकारी परिषद पर पुराने बड़े ऑपरेटरों का कब्जा है. कंपनी का कहना है कि आईडीओ ने एक प्रकार से गठजोड़ बनाया हुआ है, जिससे वे सीओएआई में अपने निहित स्वार्थों की पूर्ति कर सकें. जियो ने इस पत्र की प्रति दूरसंचार मंत्री, दूरसंचार सचिव और ट्राई के चेयरमैन को भेजी है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) जियो ने पत्र में कहा है कि इस तरह वीओएआई की पूरी कार्यकारी परिषद पर पुराने बड़े ऑपरेटरों का कब्जा है. कंपनी का कहना है कि आईडीओ ने एक प्रकार से गठजोड़ बनाया हुआ है, जिससे वे सीओएआई में अपने निहित स्वार्थों की पूर्ति कर सकें. जियो ने इस पत्र की प्रति दूरसंचार मंत्री, दूरसंचार सचिव और ट्राई के चेयरमैन को भेजी है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
संक्षिप्त सारांश: RJio इंटरनकनेक्ट के मुद्दे पर मौजूदा ऑपरेटरों के साथ वाकयुद्ध में लगी है रिलायंस जियो ने हाल में ही टेलिकॉम सेक्टर में अपनी 4जी सेवा शुरू की हैं रिलायंस जियो ने एक बार फिर एयरटेल, वोडाफोन और आइडिया पर बोला हमला
0
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: दिल्ली की 'निर्भया' (Nirbhaya) रेप केस मामले में पीड़िता की मां ने दोषी अक्षय कुमार सिंह की सुप्रीम कोर्ट में दायर पुनर्विचार याचिका के खिलाफ हस्तक्षेप अर्जी दाखिल की है. निर्भया की मां आशा देवी की तरफ से दायर याचिका में कहा गया है कि दोषी कानूनी दांवपेंच खेलकर सजा से बच रहे हैं, पहले ही इस मामले को सात साल हो चुके हैं. गौरतलब है कि निर्भया (Nirbhaya) के दोषियों में से एक अक्षय कुमार सिंह (Akshay Kumar Singh)  की पुनर्विचार याचिका पर सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने 17 दिसंबर को सुनवाई करने का फैसला किया है. बता दें कि दोषियों में से एक अक्षय कुमार सिंह के पुनर्विचार याचिका पर तीन जजों की बेंच सुनवाई करेगी. सुनवाई का समय कोर्ट द्वारा दोपहर दो बजे निर्धारित किया गया है. कोर्ट ने कहा है कि मामले में खुली अदालत में सुनवाई होगी. इधर ndtv से बात करते हुए निर्भया की मां ने कहा कि मैं कोर्ट की कार्यवाही से संतुष्ट हूं मैंने 7 साल से इंतज़ार कर रही हूं मैं एक हफ़्ते और इंतज़ार करूंगी मुझे उम्मीद है कि 17 तारीख़ को अक्षय की रिव्यू याचिका ख़ारिज होगी ये भी उम्मीद है 18 तारीख़ को मैं यहीं ये डेथ वारेंट जारी करवाके जाऊंगी. गौरतलब है कि अक्षय को ट्रायल कोर्ट ने फांसी की सजा सुनाई थी. इसकी सजा को दिल्ली हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट ने बरकरार रखा था.अक्षय ने पुनर्विचार याचिका में सुप्रीम कोर्ट से फांसी की सजा पर फिर से विचार करने की मांग की है. दोषी ने सुप्रीम कोर्ट से पुनर्विचार याचिका दाखिल करने में हुई देरी के लिए भी माफी की बात कही है.
निर्भया की मां ने SC में हस्तक्षेप याचिका दायर की दोषी की तरफ से SC में पुनर्विचार याचिका दायर की गयी थी सुप्रीम कोर्ट ने हस्तक्षेप याचिका स्वीकारा
1
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: नोटबंदी और कैशलेस अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ने के लिए नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा की गई पहल के पक्ष में सत्तासीन भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) नए साल में एक बड़ा राजनैतिक अभियान लॉन्च करने जा रही है. 500 और 1,000 रुपये के बंद किए गए नोटों को बैंकों में जमा करना की अंतिम तारीख शुक्रवार को खत्म हो रही है, और सूत्रों के अनुसार वित्त मंत्रालय एक प्रेज़ेंटेशन तैयार कर रहा है, जिसमें इससे आगे बढ़ने का रास्ता दिखाया जाएगा, और बीजेपी के सभी सांसद तथा मंत्री इसे सारे देश में इस्तेमाल करेंगे. जब सरकार डिजिटल लेनदेन करने वाले लोगों में से शनिवार, 31 दिसंबर को मेगा लकी ड्रॉ के विजेताओं की घोषणा करेगी, उस वक्त मंत्रियों से विभिन्न क्षेत्रों में रहने के लिए कहा गया है. उसी दिन शाम को लगभग 7:30 बजे प्रधानमंत्री द्वारा भी राष्ट्र को संबोधित करने की संभावना है, और वह काले धन और अघोषित धन की बुराइयों से लड़ने के उद्देश्य से की गई नोटबंदी के बाद उपजे नकदी संकट को कम करने के लिए उठाए गए कदमों के बारे में बात करेंगे. वित्तमंत्री अरुण जेटली ने गुरुवार को कहा कि नोटबंदी के फायदे साफ-साफ दिखने लगे हैं, और टैक्स तथा अन्य राजस्व काफी बढ़ गया है. वित्तमंत्री ने कहा कि नोटबंदी से खत्म हुई कुल मुद्रा का बड़ा हिस्सा बदला जा चुका है, और रिज़र्व बैंक के पास पर्याप्त मात्रा में नई करेंसी है. उन्होंने बताया कि 500 रुपये के नए नोट ज़्यादा भेजे जाएंगे. वित्तमंत्री अरुण जेटली ने कहा, "लोगों ने इस कदम को बहुत समर्थन दिया है, और (नोटबंदी के बाद से) देशभर में किसी भी क्षेत्र से अराजकता जैसी एक भी घटना की ख़बर नहीं मिली है..." विपक्ष नोटबंदी को लागू किए जाने को लेकर सरकार पर हमला बोलती रही है, और उसका आरोप है कि नोटबंदी से भ्रष्ट लोगों की तुलना में गरीबों को ज़्यादा परेशानी हुई है. इन आरोपों का जवाब देने और नोटबंदी का बचाव करने के लिए भी केंद्र के और मंत्रियों को तैनात किया गया है.टिप्पणियां केंद्रीय ऊर्जामंत्री पीयूष गोयल ने भी गुरुवार को कहा, "नोटबंदी की कफलता सिर्फ सरकार की नहीं, पूरे देश की सफलता है..." उन्होंने विमुद्रीकरण को समर्थन देने के लिए जनता को धन्यवाद भी दिया. पीयूष गोयल ने नोटबंदी के बाद विभिन्न जगहों पर हुए चुनावों में बीजेपी को मिली जीत की तरफ इशारा करते हुए कहा कि यह इस बात का सबूत है कि नकदी संकट की वजह से होने वाली परेशानी के बावजूद लोगों ने सरकार के कदम का समर्थन किया है. ऊर्जामंत्री ने कहा, "हालात अब काबू में आ चुके हैं... व्यापार सही ढंग से चलने लगे हैं, और आरबीआई द्वारा अतिरिक्त नोट जारी किए जा रहे हैं, और बांटे जा रहे हैं..." कानून एवं आईटी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस पर 'भ्रष्ट लोगों तथा भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा संरक्षक' होने का आरोप लगाते हुए कहा, "अब देश बहुत तेज़ी से आगे बढ़ रहा है, लेकिन कांग्रेस पार्टी यह नहीं देख पा रही है, तो यह उनका नुकसान है..." उसी दिन शाम को लगभग 7:30 बजे प्रधानमंत्री द्वारा भी राष्ट्र को संबोधित करने की संभावना है, और वह काले धन और अघोषित धन की बुराइयों से लड़ने के उद्देश्य से की गई नोटबंदी के बाद उपजे नकदी संकट को कम करने के लिए उठाए गए कदमों के बारे में बात करेंगे. वित्तमंत्री अरुण जेटली ने गुरुवार को कहा कि नोटबंदी के फायदे साफ-साफ दिखने लगे हैं, और टैक्स तथा अन्य राजस्व काफी बढ़ गया है. वित्तमंत्री ने कहा कि नोटबंदी से खत्म हुई कुल मुद्रा का बड़ा हिस्सा बदला जा चुका है, और रिज़र्व बैंक के पास पर्याप्त मात्रा में नई करेंसी है. उन्होंने बताया कि 500 रुपये के नए नोट ज़्यादा भेजे जाएंगे. वित्तमंत्री अरुण जेटली ने कहा, "लोगों ने इस कदम को बहुत समर्थन दिया है, और (नोटबंदी के बाद से) देशभर में किसी भी क्षेत्र से अराजकता जैसी एक भी घटना की ख़बर नहीं मिली है..." विपक्ष नोटबंदी को लागू किए जाने को लेकर सरकार पर हमला बोलती रही है, और उसका आरोप है कि नोटबंदी से भ्रष्ट लोगों की तुलना में गरीबों को ज़्यादा परेशानी हुई है. इन आरोपों का जवाब देने और नोटबंदी का बचाव करने के लिए भी केंद्र के और मंत्रियों को तैनात किया गया है.टिप्पणियां केंद्रीय ऊर्जामंत्री पीयूष गोयल ने भी गुरुवार को कहा, "नोटबंदी की कफलता सिर्फ सरकार की नहीं, पूरे देश की सफलता है..." उन्होंने विमुद्रीकरण को समर्थन देने के लिए जनता को धन्यवाद भी दिया. पीयूष गोयल ने नोटबंदी के बाद विभिन्न जगहों पर हुए चुनावों में बीजेपी को मिली जीत की तरफ इशारा करते हुए कहा कि यह इस बात का सबूत है कि नकदी संकट की वजह से होने वाली परेशानी के बावजूद लोगों ने सरकार के कदम का समर्थन किया है. ऊर्जामंत्री ने कहा, "हालात अब काबू में आ चुके हैं... व्यापार सही ढंग से चलने लगे हैं, और आरबीआई द्वारा अतिरिक्त नोट जारी किए जा रहे हैं, और बांटे जा रहे हैं..." कानून एवं आईटी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस पर 'भ्रष्ट लोगों तथा भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा संरक्षक' होने का आरोप लगाते हुए कहा, "अब देश बहुत तेज़ी से आगे बढ़ रहा है, लेकिन कांग्रेस पार्टी यह नहीं देख पा रही है, तो यह उनका नुकसान है..." वित्तमंत्री अरुण जेटली ने गुरुवार को कहा कि नोटबंदी के फायदे साफ-साफ दिखने लगे हैं, और टैक्स तथा अन्य राजस्व काफी बढ़ गया है. वित्तमंत्री ने कहा कि नोटबंदी से खत्म हुई कुल मुद्रा का बड़ा हिस्सा बदला जा चुका है, और रिज़र्व बैंक के पास पर्याप्त मात्रा में नई करेंसी है. उन्होंने बताया कि 500 रुपये के नए नोट ज़्यादा भेजे जाएंगे. वित्तमंत्री अरुण जेटली ने कहा, "लोगों ने इस कदम को बहुत समर्थन दिया है, और (नोटबंदी के बाद से) देशभर में किसी भी क्षेत्र से अराजकता जैसी एक भी घटना की ख़बर नहीं मिली है..." विपक्ष नोटबंदी को लागू किए जाने को लेकर सरकार पर हमला बोलती रही है, और उसका आरोप है कि नोटबंदी से भ्रष्ट लोगों की तुलना में गरीबों को ज़्यादा परेशानी हुई है. इन आरोपों का जवाब देने और नोटबंदी का बचाव करने के लिए भी केंद्र के और मंत्रियों को तैनात किया गया है.टिप्पणियां केंद्रीय ऊर्जामंत्री पीयूष गोयल ने भी गुरुवार को कहा, "नोटबंदी की कफलता सिर्फ सरकार की नहीं, पूरे देश की सफलता है..." उन्होंने विमुद्रीकरण को समर्थन देने के लिए जनता को धन्यवाद भी दिया. पीयूष गोयल ने नोटबंदी के बाद विभिन्न जगहों पर हुए चुनावों में बीजेपी को मिली जीत की तरफ इशारा करते हुए कहा कि यह इस बात का सबूत है कि नकदी संकट की वजह से होने वाली परेशानी के बावजूद लोगों ने सरकार के कदम का समर्थन किया है. ऊर्जामंत्री ने कहा, "हालात अब काबू में आ चुके हैं... व्यापार सही ढंग से चलने लगे हैं, और आरबीआई द्वारा अतिरिक्त नोट जारी किए जा रहे हैं, और बांटे जा रहे हैं..." कानून एवं आईटी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस पर 'भ्रष्ट लोगों तथा भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा संरक्षक' होने का आरोप लगाते हुए कहा, "अब देश बहुत तेज़ी से आगे बढ़ रहा है, लेकिन कांग्रेस पार्टी यह नहीं देख पा रही है, तो यह उनका नुकसान है..." वित्तमंत्री अरुण जेटली ने कहा, "लोगों ने इस कदम को बहुत समर्थन दिया है, और (नोटबंदी के बाद से) देशभर में किसी भी क्षेत्र से अराजकता जैसी एक भी घटना की ख़बर नहीं मिली है..." विपक्ष नोटबंदी को लागू किए जाने को लेकर सरकार पर हमला बोलती रही है, और उसका आरोप है कि नोटबंदी से भ्रष्ट लोगों की तुलना में गरीबों को ज़्यादा परेशानी हुई है. इन आरोपों का जवाब देने और नोटबंदी का बचाव करने के लिए भी केंद्र के और मंत्रियों को तैनात किया गया है.टिप्पणियां केंद्रीय ऊर्जामंत्री पीयूष गोयल ने भी गुरुवार को कहा, "नोटबंदी की कफलता सिर्फ सरकार की नहीं, पूरे देश की सफलता है..." उन्होंने विमुद्रीकरण को समर्थन देने के लिए जनता को धन्यवाद भी दिया. पीयूष गोयल ने नोटबंदी के बाद विभिन्न जगहों पर हुए चुनावों में बीजेपी को मिली जीत की तरफ इशारा करते हुए कहा कि यह इस बात का सबूत है कि नकदी संकट की वजह से होने वाली परेशानी के बावजूद लोगों ने सरकार के कदम का समर्थन किया है. ऊर्जामंत्री ने कहा, "हालात अब काबू में आ चुके हैं... व्यापार सही ढंग से चलने लगे हैं, और आरबीआई द्वारा अतिरिक्त नोट जारी किए जा रहे हैं, और बांटे जा रहे हैं..." कानून एवं आईटी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस पर 'भ्रष्ट लोगों तथा भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा संरक्षक' होने का आरोप लगाते हुए कहा, "अब देश बहुत तेज़ी से आगे बढ़ रहा है, लेकिन कांग्रेस पार्टी यह नहीं देख पा रही है, तो यह उनका नुकसान है..." विपक्ष नोटबंदी को लागू किए जाने को लेकर सरकार पर हमला बोलती रही है, और उसका आरोप है कि नोटबंदी से भ्रष्ट लोगों की तुलना में गरीबों को ज़्यादा परेशानी हुई है. इन आरोपों का जवाब देने और नोटबंदी का बचाव करने के लिए भी केंद्र के और मंत्रियों को तैनात किया गया है.टिप्पणियां केंद्रीय ऊर्जामंत्री पीयूष गोयल ने भी गुरुवार को कहा, "नोटबंदी की कफलता सिर्फ सरकार की नहीं, पूरे देश की सफलता है..." उन्होंने विमुद्रीकरण को समर्थन देने के लिए जनता को धन्यवाद भी दिया. पीयूष गोयल ने नोटबंदी के बाद विभिन्न जगहों पर हुए चुनावों में बीजेपी को मिली जीत की तरफ इशारा करते हुए कहा कि यह इस बात का सबूत है कि नकदी संकट की वजह से होने वाली परेशानी के बावजूद लोगों ने सरकार के कदम का समर्थन किया है. ऊर्जामंत्री ने कहा, "हालात अब काबू में आ चुके हैं... व्यापार सही ढंग से चलने लगे हैं, और आरबीआई द्वारा अतिरिक्त नोट जारी किए जा रहे हैं, और बांटे जा रहे हैं..." कानून एवं आईटी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस पर 'भ्रष्ट लोगों तथा भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा संरक्षक' होने का आरोप लगाते हुए कहा, "अब देश बहुत तेज़ी से आगे बढ़ रहा है, लेकिन कांग्रेस पार्टी यह नहीं देख पा रही है, तो यह उनका नुकसान है..." केंद्रीय ऊर्जामंत्री पीयूष गोयल ने भी गुरुवार को कहा, "नोटबंदी की कफलता सिर्फ सरकार की नहीं, पूरे देश की सफलता है..." उन्होंने विमुद्रीकरण को समर्थन देने के लिए जनता को धन्यवाद भी दिया. पीयूष गोयल ने नोटबंदी के बाद विभिन्न जगहों पर हुए चुनावों में बीजेपी को मिली जीत की तरफ इशारा करते हुए कहा कि यह इस बात का सबूत है कि नकदी संकट की वजह से होने वाली परेशानी के बावजूद लोगों ने सरकार के कदम का समर्थन किया है. ऊर्जामंत्री ने कहा, "हालात अब काबू में आ चुके हैं... व्यापार सही ढंग से चलने लगे हैं, और आरबीआई द्वारा अतिरिक्त नोट जारी किए जा रहे हैं, और बांटे जा रहे हैं..." कानून एवं आईटी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस पर 'भ्रष्ट लोगों तथा भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा संरक्षक' होने का आरोप लगाते हुए कहा, "अब देश बहुत तेज़ी से आगे बढ़ रहा है, लेकिन कांग्रेस पार्टी यह नहीं देख पा रही है, तो यह उनका नुकसान है..." कानून एवं आईटी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस पर 'भ्रष्ट लोगों तथा भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा संरक्षक' होने का आरोप लगाते हुए कहा, "अब देश बहुत तेज़ी से आगे बढ़ रहा है, लेकिन कांग्रेस पार्टी यह नहीं देख पा रही है, तो यह उनका नुकसान है..."
यह एक सारांश है: बीजेपी नए साल में एक बड़ा राजनैतिक अभियान लॉन्च करने जा रही है. सूत्रों के अनुसार वित्त मंत्रालय एक प्रेज़ेंटेशन तैयार कर रहा है. जेटली ने गुरुवार को कहा कि नोटबंदी के फायदे साफ-साफ दिखने लगे हैं.
24
['hin']
एक सारांश बनाओ: अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में भर्ती दो वर्षीया बच्ची फलक की हालत में कुछ सुधार के संकेत मिले हैं। चिकित्सकों ने शुक्रवार को बताया कि श्वसन सम्बंधी समस्या नियंत्रित होने के कारण फलक को वेंटीलेटर से हटा दिया गया है। एम्स के ट्रामा सेंटर में न्यूरोसर्जरी के सहायक प्रोफेसर दीपक अग्रवाल ने कहा, "सांस सम्बंधी समस्या नियंत्रण में होने के कारण हमने सुबह 11 बजे उसे वेंटीलेटर से हटा दिया। उसमें सुधार के संकेत दिख रहे हैं। दवाओं का असर हो रहा है और उसके फेफड़े एवं रक्त का संक्रमण घट रहा है।" 10 चिकित्सकों की एक टीम के साथ अग्रवाल तीन हफ्ते से बच्ची के स्वास्थ्य की निगरानी कर रहे हैं। उन्होंने कहा, "हम उसके मस्तिष्क में संक्रमण के कम होने का इंतजार कर रहे हैं। उसके बाद फलक के मस्तिष्क का ऑपरेशन कर प्लास्टिक नली डालकर संक्रमित तरल पदार्थ बाहर निकाला जाएगा।" फलक को एम्स में 18 जनवरी को एक 15 वर्षीया एक किशोरी ने भर्ती किया था। किशोरी ने खुद को फलक की मां बताया था। बच्ची के चेहरे एवं शरीर पर मानव दांत के निशान थे और वह गम्भीर रूप से घायल थी। पुलिस इस मामले की जांच मानव व्यापार एवं देह व्यापार के कोण से कर रही है। उन्होंने कहा, "हम उसके मस्तिष्क में संक्रमण के कम होने का इंतजार कर रहे हैं। उसके बाद फलक के मस्तिष्क का ऑपरेशन कर प्लास्टिक नली डालकर संक्रमित तरल पदार्थ बाहर निकाला जाएगा।" फलक को एम्स में 18 जनवरी को एक 15 वर्षीया एक किशोरी ने भर्ती किया था। किशोरी ने खुद को फलक की मां बताया था। बच्ची के चेहरे एवं शरीर पर मानव दांत के निशान थे और वह गम्भीर रूप से घायल थी। पुलिस इस मामले की जांच मानव व्यापार एवं देह व्यापार के कोण से कर रही है।
संक्षिप्त पाठ: चिकित्सकों ने शुक्रवार को बताया कि श्वसन सम्बंधी समस्या नियंत्रित होने के कारण फलक को वेंटीलेटर से हटा दिया गया है।
30
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पश्चिम बंगाल में लगातार दो विधानसभा चुनावों में जीत हासिल करने के बाद ममता बनर्जी को एक और उपलब्धि हासिल होने वाली है. उनकी पार्टी तृणमूल कांग्रेस को चुनाव आयोग से राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा मिलने वाला है. चुनाव निकाय सूत्रों ने एक आदेश का हवाला देते हुए कहा कि तृणमूल कांग्रेस ने राष्ट्रीय पार्टी के रूप में मान्यता के लिए चुनाव चिह्न (आरक्षण एवं आवंटन) आदेश, 1968 में बताई गईं शर्तों में एक को पूरा कर लिया है. कम से कम चार प्रदेशों में राज्य को पार्टी के रूप में मान्यता होने की शर्त को तृणमूल कांग्रेस ने पूरा कर लिया है. तृणमूल कांग्रेस पश्चिम बंगाल के अलावा मणिपुर, त्रिपुरा और अरुणाचल प्रदेश में भी राज्य की मान्यता प्राप्त पार्टी है. भारत में अब सात राष्ट्रीय पार्टियां हैं जिनमें कांग्रेस, भाजपा, बसपा, माकपा, भाकपा, राकांपा और तृणमूल कांग्रेस शामिल हैं. राष्ट्रीय या राज्य की पार्टी के रूप में मान्यता मिलने के बाद उस पार्टी के चुनाव चिह्न का उपयोग कोई अन्य पार्टी देश भर में नहीं कर सकती. इसके अलावा ऐसे दलों को अपने कार्यालय स्थापित करने के लिए सरकार की ओर से भूमि या भवन दिए जाते हैं. चुनावों में ऐसे दल 40 स्टार प्रचारक रख सकते हैं जबकि अन्य दल 20 स्टार प्रचारक रख सकते हैं. टिप्पणियां चुनाव आयोग ने 22 अगस्त को एक नियम में संशोधन किया था जिसके तहत वह किसी राष्ट्रीय या राज्य की पार्टी के दर्जे की समीक्षा पांच साल के बदले 10 साल में करेगा. नियम में संशोधन किए जाने से बसपा, राकांपा और भाकपा को राहत मिली है क्योंकि 2014 के लोकसभा चुनाव में खराब प्रदर्शन के कारण उन पर राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा खोने का खतरा मंडरा रहा था.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) चुनाव निकाय सूत्रों ने एक आदेश का हवाला देते हुए कहा कि तृणमूल कांग्रेस ने राष्ट्रीय पार्टी के रूप में मान्यता के लिए चुनाव चिह्न (आरक्षण एवं आवंटन) आदेश, 1968 में बताई गईं शर्तों में एक को पूरा कर लिया है. कम से कम चार प्रदेशों में राज्य को पार्टी के रूप में मान्यता होने की शर्त को तृणमूल कांग्रेस ने पूरा कर लिया है. तृणमूल कांग्रेस पश्चिम बंगाल के अलावा मणिपुर, त्रिपुरा और अरुणाचल प्रदेश में भी राज्य की मान्यता प्राप्त पार्टी है. भारत में अब सात राष्ट्रीय पार्टियां हैं जिनमें कांग्रेस, भाजपा, बसपा, माकपा, भाकपा, राकांपा और तृणमूल कांग्रेस शामिल हैं. राष्ट्रीय या राज्य की पार्टी के रूप में मान्यता मिलने के बाद उस पार्टी के चुनाव चिह्न का उपयोग कोई अन्य पार्टी देश भर में नहीं कर सकती. इसके अलावा ऐसे दलों को अपने कार्यालय स्थापित करने के लिए सरकार की ओर से भूमि या भवन दिए जाते हैं. चुनावों में ऐसे दल 40 स्टार प्रचारक रख सकते हैं जबकि अन्य दल 20 स्टार प्रचारक रख सकते हैं. टिप्पणियां चुनाव आयोग ने 22 अगस्त को एक नियम में संशोधन किया था जिसके तहत वह किसी राष्ट्रीय या राज्य की पार्टी के दर्जे की समीक्षा पांच साल के बदले 10 साल में करेगा. नियम में संशोधन किए जाने से बसपा, राकांपा और भाकपा को राहत मिली है क्योंकि 2014 के लोकसभा चुनाव में खराब प्रदर्शन के कारण उन पर राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा खोने का खतरा मंडरा रहा था.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) तृणमूल कांग्रेस पश्चिम बंगाल के अलावा मणिपुर, त्रिपुरा और अरुणाचल प्रदेश में भी राज्य की मान्यता प्राप्त पार्टी है. भारत में अब सात राष्ट्रीय पार्टियां हैं जिनमें कांग्रेस, भाजपा, बसपा, माकपा, भाकपा, राकांपा और तृणमूल कांग्रेस शामिल हैं. राष्ट्रीय या राज्य की पार्टी के रूप में मान्यता मिलने के बाद उस पार्टी के चुनाव चिह्न का उपयोग कोई अन्य पार्टी देश भर में नहीं कर सकती. इसके अलावा ऐसे दलों को अपने कार्यालय स्थापित करने के लिए सरकार की ओर से भूमि या भवन दिए जाते हैं. चुनावों में ऐसे दल 40 स्टार प्रचारक रख सकते हैं जबकि अन्य दल 20 स्टार प्रचारक रख सकते हैं. टिप्पणियां चुनाव आयोग ने 22 अगस्त को एक नियम में संशोधन किया था जिसके तहत वह किसी राष्ट्रीय या राज्य की पार्टी के दर्जे की समीक्षा पांच साल के बदले 10 साल में करेगा. नियम में संशोधन किए जाने से बसपा, राकांपा और भाकपा को राहत मिली है क्योंकि 2014 के लोकसभा चुनाव में खराब प्रदर्शन के कारण उन पर राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा खोने का खतरा मंडरा रहा था.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) राष्ट्रीय या राज्य की पार्टी के रूप में मान्यता मिलने के बाद उस पार्टी के चुनाव चिह्न का उपयोग कोई अन्य पार्टी देश भर में नहीं कर सकती. इसके अलावा ऐसे दलों को अपने कार्यालय स्थापित करने के लिए सरकार की ओर से भूमि या भवन दिए जाते हैं. चुनावों में ऐसे दल 40 स्टार प्रचारक रख सकते हैं जबकि अन्य दल 20 स्टार प्रचारक रख सकते हैं. टिप्पणियां चुनाव आयोग ने 22 अगस्त को एक नियम में संशोधन किया था जिसके तहत वह किसी राष्ट्रीय या राज्य की पार्टी के दर्जे की समीक्षा पांच साल के बदले 10 साल में करेगा. नियम में संशोधन किए जाने से बसपा, राकांपा और भाकपा को राहत मिली है क्योंकि 2014 के लोकसभा चुनाव में खराब प्रदर्शन के कारण उन पर राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा खोने का खतरा मंडरा रहा था.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) चुनाव आयोग ने 22 अगस्त को एक नियम में संशोधन किया था जिसके तहत वह किसी राष्ट्रीय या राज्य की पार्टी के दर्जे की समीक्षा पांच साल के बदले 10 साल में करेगा. नियम में संशोधन किए जाने से बसपा, राकांपा और भाकपा को राहत मिली है क्योंकि 2014 के लोकसभा चुनाव में खराब प्रदर्शन के कारण उन पर राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा खोने का खतरा मंडरा रहा था.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
ममता बनर्जी को एक और उपलब्धि हासिल पश्चिम बंगाल, मणिपुर, त्रिपुरा और अरुणाचल प्रदेश में मान्य पार्टी तृणमूल के चुनाव चिह्न का उपयोग कोई अन्य पार्टी देश भर में नहीं कर सकती
28
['hin']
एक सारांश बनाओ: तोक्यो तीन करोड़ 70 लाख निवासियों के समूह के साथ दुनिया का सबसे बड़ा शहर है. इसके बाद नई दिल्ली दो करोड़ 90 लाख, दो करोड़ 60 लाख के साथ शंघाई और मेक्सिको सिटी और साओ पाउलो, प्रत्येक दो करोड़ 20 लाख निवासी है. काहिरा, मुंबई, बीजिंग और ढाका में लगभग दो-दो करोड़ निवासी हैं.  रिपोर्ट में कहा गया है कि 2028 के आसपास दिल्ली के दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला शहर बनने का अनुमान है. इसमें कहा गया है कि 2028 में नई दिल्ली की अनुमानित आबादी का आकार लगभग 3.72 करोड़ है, जो तोक्यो के 3.68 करोड़ से अधिक है. भारत की सबसे बड़ी ग्रामीण आबादी (89.3 करोड़) है. इसके बाद चीन की (57.8 करोड़) है.    रिपोर्ट में कहा गया है कि 2028 के आसपास दिल्ली के दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला शहर बनने का अनुमान है. इसमें कहा गया है कि 2028 में नई दिल्ली की अनुमानित आबादी का आकार लगभग 3.72 करोड़ है, जो तोक्यो के 3.68 करोड़ से अधिक है. भारत की सबसे बड़ी ग्रामीण आबादी (89.3 करोड़) है. इसके बाद चीन की (57.8 करोड़) है.
संक्षिप्त सारांश: 2050 तक दुनिया की 68% जनसंख्या के शहरी क्षेत्रों में रहने का अनुमान इस समय दुनिया की 55 प्रतिशत आबादी शहरी क्षेत्रों में रहती है भविष्य में दुनिया की शहरी जनसंख्या का आकार बढ़ने की उम्मीद है
8
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: मलेशिया के विमानन समूह एयर एशिया ने अपनी सभी उड़ानों के लिए छूट की घोषणा की है. इसमें उसकी अनुषंगी एयर एशिया इंडिया की उड़ान शामिल है. यह छूट अगले साल अप्रैल तक के लिए है. एयर एशिया ने एक विज्ञप्ति में कहा कि छूट के लिए बुकिंग आज से लेकर 16 अक्तूबर 2016 तक कराई जा सकती है. एयरलाइन का किराया 999 रुपये से शुरू होगा. यह किराया बेंगलुरु, कोच्चि, हैदराबाद, नई दिल्ली, गुवाहाटी, जयपुर, पुणे, इंफाल समेत उन घरेलू गंतव्यों के लिए है, जहां एयर एशिया इंडिया की सेवा है. यह किराया एक तरफ के लिए है. विज्ञप्ति के अनुसार, यात्री कुआलालंपुर, बैंकाक, सिंगापुर, बाली, फुकेट, मेलबर्न, सिडनी समेत अन्य अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों के लिए टिकट बुक करा सकते हैं. इसके लिए किराया 3,599 रुपये है. एयरलाइन के अनुसार, बुकिंग अवधि तीन अक्तूबर से 16 अक्तूबर के बीच है और यात्रा चार अक्तूबर 2016 से 27 अप्रैल 2017 तक की जा सकती है. बेंगलुरु की बजट एयरलाइन एयर एशिया इंडिया का संचालन संयुक्त रूप से एयर एशिया और टाटा संस करती है.टिप्पणियां एयर एशिया फिलहाल अपने दो केंद्रों बेंगलुरु और नई दिल्ली से 11 गंतव्यों के लिए उड़ान सेवा देती है. इसमें चंडीगढ़, जयपुर, गुवाहाटी, पुणे, गोवा, विशाखापत्तनम, कोच्चि और हैदराबाद शामिल हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) एयर एशिया ने एक विज्ञप्ति में कहा कि छूट के लिए बुकिंग आज से लेकर 16 अक्तूबर 2016 तक कराई जा सकती है. एयरलाइन का किराया 999 रुपये से शुरू होगा. यह किराया बेंगलुरु, कोच्चि, हैदराबाद, नई दिल्ली, गुवाहाटी, जयपुर, पुणे, इंफाल समेत उन घरेलू गंतव्यों के लिए है, जहां एयर एशिया इंडिया की सेवा है. यह किराया एक तरफ के लिए है. विज्ञप्ति के अनुसार, यात्री कुआलालंपुर, बैंकाक, सिंगापुर, बाली, फुकेट, मेलबर्न, सिडनी समेत अन्य अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों के लिए टिकट बुक करा सकते हैं. इसके लिए किराया 3,599 रुपये है. एयरलाइन के अनुसार, बुकिंग अवधि तीन अक्तूबर से 16 अक्तूबर के बीच है और यात्रा चार अक्तूबर 2016 से 27 अप्रैल 2017 तक की जा सकती है. बेंगलुरु की बजट एयरलाइन एयर एशिया इंडिया का संचालन संयुक्त रूप से एयर एशिया और टाटा संस करती है.टिप्पणियां एयर एशिया फिलहाल अपने दो केंद्रों बेंगलुरु और नई दिल्ली से 11 गंतव्यों के लिए उड़ान सेवा देती है. इसमें चंडीगढ़, जयपुर, गुवाहाटी, पुणे, गोवा, विशाखापत्तनम, कोच्चि और हैदराबाद शामिल हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) विज्ञप्ति के अनुसार, यात्री कुआलालंपुर, बैंकाक, सिंगापुर, बाली, फुकेट, मेलबर्न, सिडनी समेत अन्य अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों के लिए टिकट बुक करा सकते हैं. इसके लिए किराया 3,599 रुपये है. एयरलाइन के अनुसार, बुकिंग अवधि तीन अक्तूबर से 16 अक्तूबर के बीच है और यात्रा चार अक्तूबर 2016 से 27 अप्रैल 2017 तक की जा सकती है. बेंगलुरु की बजट एयरलाइन एयर एशिया इंडिया का संचालन संयुक्त रूप से एयर एशिया और टाटा संस करती है.टिप्पणियां एयर एशिया फिलहाल अपने दो केंद्रों बेंगलुरु और नई दिल्ली से 11 गंतव्यों के लिए उड़ान सेवा देती है. इसमें चंडीगढ़, जयपुर, गुवाहाटी, पुणे, गोवा, विशाखापत्तनम, कोच्चि और हैदराबाद शामिल हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) एयरलाइन के अनुसार, बुकिंग अवधि तीन अक्तूबर से 16 अक्तूबर के बीच है और यात्रा चार अक्तूबर 2016 से 27 अप्रैल 2017 तक की जा सकती है. बेंगलुरु की बजट एयरलाइन एयर एशिया इंडिया का संचालन संयुक्त रूप से एयर एशिया और टाटा संस करती है.टिप्पणियां एयर एशिया फिलहाल अपने दो केंद्रों बेंगलुरु और नई दिल्ली से 11 गंतव्यों के लिए उड़ान सेवा देती है. इसमें चंडीगढ़, जयपुर, गुवाहाटी, पुणे, गोवा, विशाखापत्तनम, कोच्चि और हैदराबाद शामिल हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) बेंगलुरु की बजट एयरलाइन एयर एशिया इंडिया का संचालन संयुक्त रूप से एयर एशिया और टाटा संस करती है.टिप्पणियां एयर एशिया फिलहाल अपने दो केंद्रों बेंगलुरु और नई दिल्ली से 11 गंतव्यों के लिए उड़ान सेवा देती है. इसमें चंडीगढ़, जयपुर, गुवाहाटी, पुणे, गोवा, विशाखापत्तनम, कोच्चि और हैदराबाद शामिल हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) एयर एशिया फिलहाल अपने दो केंद्रों बेंगलुरु और नई दिल्ली से 11 गंतव्यों के लिए उड़ान सेवा देती है. इसमें चंडीगढ़, जयपुर, गुवाहाटी, पुणे, गोवा, विशाखापत्तनम, कोच्चि और हैदराबाद शामिल हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
यह एक सारांश है: छूट के लिए बुकिंग आज से लेकर 16 अक्तूबर 2016 तक कराई जा सकती है. अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों के लिए किराया किराया 3,599 रुपये भी. यात्रा चार अक्तूबर 2016 से 27 अप्रैल 2017 तक की जा सकती है.
24
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: दिल्ली के तिवारी भवन में अन्ना हजारे से मिलने के बाद अरविंद केजरीवाल ने साफ किया उनके और अन्ना के बीच किसी भी तरह के विवाद की बात बेबुनियाद है और वह अन्ना के हर आंदोलन में उनके साथ हैं, लेकिन उनके बयान से यह भी साफ हो गया कि केजरीवाल को राजनैतिक पार्टी बनाने के मसले पर अन्ना का साथ नहीं मिला है। केजरीवाल ने कहा कि उनकी राहें भले ही जुदा हों, लेकिन मंजिल एक है। केजरीवाल 2 अक्टूबर को अपनी राजनैतिक पार्टी के बारे में कुछ अहम ऐलान कर सकते हैं। इस बीच केजरीवाल और सिसौदिया के मिलने के तुरंत बाद अन्ना से मिलने किरण बेदी भी पहुंची। उधर, अन्ना हजारे ने भी दिल्ली में एक नई टीम बनाने की कवायद शुरू कर दी है। वह आज दिल्ली में रिटायर्ड सेना के अधिकारियों, आईएएस और आईपीएस अधिकारियों से बात करेंगे और इसके बाद वे अपनी आगे की रणनीति तय करेंगे।टिप्पणियां वैसे, एक दिन पहले ही अन्ना अपने ब्लॉग पर इशारों-इशारों में केजरीवाल पर निशाना साधते हुए लिख चुके थे कि राजनीति से भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन का नुकसान हो रहा था। ब्लॉग में उन्होंने लिखा कि कुछ लोगों ने कहा था कि अन्ना कह दें तो वह चुनाव नहीं लड़ेंगे, लेकिन फिर भी लड़ रहे हैं और आंदोलन पर असर पड़ा है, क्योंकि कुछ लोग सियासी राह पर चलना चाहते हैं। अन्ना के साथ अब टीम अन्ना तो रही नहीं, लेकिन नई टीम बनती नजर आती है। किरण बेदी जैसे कुछ पुराने चेहरे जरूर साथ हैं। अन्ना और केजरीवाल के रिश्तों के बारे में बात करें तो केजरीवाल अपनी लड़ाई अलग लड़ रहे हैं हालांकि वह अभी तक कैमरे पर कुछ भी कहने से इनकार करते रहे हैं, लेकिन तहलका को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कह दिया कि सियासी पार्टी अन्ना बनाना चाहते थे। एनडीटीवी को पता चला है कि टीम केजरीवाल यह नहीं मानती कि राजनीति से आंदोलन को नुकसान हुआ है। उसे लगता है कि केजरीवाल और अन्ना के बीच की दरार से भ्रष्टाचार मुहिम को ठेस पहुंची है। अब यह बात पक्की है कि केजरीवाल पार्टी बनाएंगे, लेकिन अन्ना के नाम और साथ के बिना उनकी मुहिम कितनी कामयाब होगी इसकी फिक्र केजरीवाल समर्थकों को भी जरूर होगी। सिर्फ जलते हुए मुद्दे ही काफी नहीं होंगे। उधर, अन्ना हजारे ने भी दिल्ली में एक नई टीम बनाने की कवायद शुरू कर दी है। वह आज दिल्ली में रिटायर्ड सेना के अधिकारियों, आईएएस और आईपीएस अधिकारियों से बात करेंगे और इसके बाद वे अपनी आगे की रणनीति तय करेंगे।टिप्पणियां वैसे, एक दिन पहले ही अन्ना अपने ब्लॉग पर इशारों-इशारों में केजरीवाल पर निशाना साधते हुए लिख चुके थे कि राजनीति से भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन का नुकसान हो रहा था। ब्लॉग में उन्होंने लिखा कि कुछ लोगों ने कहा था कि अन्ना कह दें तो वह चुनाव नहीं लड़ेंगे, लेकिन फिर भी लड़ रहे हैं और आंदोलन पर असर पड़ा है, क्योंकि कुछ लोग सियासी राह पर चलना चाहते हैं। अन्ना के साथ अब टीम अन्ना तो रही नहीं, लेकिन नई टीम बनती नजर आती है। किरण बेदी जैसे कुछ पुराने चेहरे जरूर साथ हैं। अन्ना और केजरीवाल के रिश्तों के बारे में बात करें तो केजरीवाल अपनी लड़ाई अलग लड़ रहे हैं हालांकि वह अभी तक कैमरे पर कुछ भी कहने से इनकार करते रहे हैं, लेकिन तहलका को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कह दिया कि सियासी पार्टी अन्ना बनाना चाहते थे। एनडीटीवी को पता चला है कि टीम केजरीवाल यह नहीं मानती कि राजनीति से आंदोलन को नुकसान हुआ है। उसे लगता है कि केजरीवाल और अन्ना के बीच की दरार से भ्रष्टाचार मुहिम को ठेस पहुंची है। अब यह बात पक्की है कि केजरीवाल पार्टी बनाएंगे, लेकिन अन्ना के नाम और साथ के बिना उनकी मुहिम कितनी कामयाब होगी इसकी फिक्र केजरीवाल समर्थकों को भी जरूर होगी। सिर्फ जलते हुए मुद्दे ही काफी नहीं होंगे। वैसे, एक दिन पहले ही अन्ना अपने ब्लॉग पर इशारों-इशारों में केजरीवाल पर निशाना साधते हुए लिख चुके थे कि राजनीति से भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन का नुकसान हो रहा था। ब्लॉग में उन्होंने लिखा कि कुछ लोगों ने कहा था कि अन्ना कह दें तो वह चुनाव नहीं लड़ेंगे, लेकिन फिर भी लड़ रहे हैं और आंदोलन पर असर पड़ा है, क्योंकि कुछ लोग सियासी राह पर चलना चाहते हैं। अन्ना के साथ अब टीम अन्ना तो रही नहीं, लेकिन नई टीम बनती नजर आती है। किरण बेदी जैसे कुछ पुराने चेहरे जरूर साथ हैं। अन्ना और केजरीवाल के रिश्तों के बारे में बात करें तो केजरीवाल अपनी लड़ाई अलग लड़ रहे हैं हालांकि वह अभी तक कैमरे पर कुछ भी कहने से इनकार करते रहे हैं, लेकिन तहलका को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कह दिया कि सियासी पार्टी अन्ना बनाना चाहते थे। एनडीटीवी को पता चला है कि टीम केजरीवाल यह नहीं मानती कि राजनीति से आंदोलन को नुकसान हुआ है। उसे लगता है कि केजरीवाल और अन्ना के बीच की दरार से भ्रष्टाचार मुहिम को ठेस पहुंची है। अब यह बात पक्की है कि केजरीवाल पार्टी बनाएंगे, लेकिन अन्ना के नाम और साथ के बिना उनकी मुहिम कितनी कामयाब होगी इसकी फिक्र केजरीवाल समर्थकों को भी जरूर होगी। सिर्फ जलते हुए मुद्दे ही काफी नहीं होंगे। अन्ना और केजरीवाल के रिश्तों के बारे में बात करें तो केजरीवाल अपनी लड़ाई अलग लड़ रहे हैं हालांकि वह अभी तक कैमरे पर कुछ भी कहने से इनकार करते रहे हैं, लेकिन तहलका को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कह दिया कि सियासी पार्टी अन्ना बनाना चाहते थे। एनडीटीवी को पता चला है कि टीम केजरीवाल यह नहीं मानती कि राजनीति से आंदोलन को नुकसान हुआ है। उसे लगता है कि केजरीवाल और अन्ना के बीच की दरार से भ्रष्टाचार मुहिम को ठेस पहुंची है। अब यह बात पक्की है कि केजरीवाल पार्टी बनाएंगे, लेकिन अन्ना के नाम और साथ के बिना उनकी मुहिम कितनी कामयाब होगी इसकी फिक्र केजरीवाल समर्थकों को भी जरूर होगी। सिर्फ जलते हुए मुद्दे ही काफी नहीं होंगे।
सारांश: दिल्ली के तिवारी भवन में अन्ना हजारे से मिलने के बाद अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अन्ना और हमारी मंजिल एक ही है। अरविंद के साथ मनीष सिसौदिया भी थे।
20
['hin']
एक सारांश बनाओ: गुजरात के निलम्बित पुलिस अधिकारी संजीव भट्ट को विशेष अदालत ने सोमवार को जमानत दे दी, जिसके बाद वह जेल से रिहा हो गए। इसे गुजरात सरकार के लिए झटके के रूप में देखा जा रहा है। राज्य के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी पर 2002 के साम्प्रदायिक दंगों में संलिप्तता का आरोप लगाने वाले भट्ट ने इसे 'न्याय की जीत' बताया और मोदी को एक बार फिर 'अपराधी' कहा। उन्होंने यह भी अंदेशा जताया कि मोदी उन्हें मरवाने की कोशिश कर सकते हैं। केंद्रीय कानून मंत्री सलमान खुर्शीद ने उनकी रिहाई का स्वागत किया। भट्ट ने कहा, "मेरे लिए मोदी सामान्य अपराधी हैं, जो मुख्यमंत्री बन गए हैं। लेकिन इससे कोई फर्क नहीं पड़ता। एक पुलिस अधिकारी के रूप में मैं उन्हें अपराधी के तौर पर देखता हूं।" उन्होंने कहा, "यह सरकार मुझे मरवाने की कोशिश कर सकती है, जैसा कि इसने पूर्व मंत्री हरेन पंड्या के साथ किया। वे कुछ भी कर सकते हैं और मैं इसके लिए तैयार हूं।" भट्ट ने कहा, "मैं नरेंद्र मोदी, उनके पिछलग्गुओं तथा उनके दल में शामिल लोगों के लिए खतरा हूं और वे इसे टालने की कोशिश करेंगे। यदि उन्हें मुझे मारना होगा तो वे इसमें संकोच नहीं करेंगे।" इससे पहले साबरमती जेल से बाहर आने पर समर्थकों ने फूलों से उनका स्वागत किया। वह पत्नी श्वेता भट्ट के गले मिले, जो बाहर उनका इंतजार कर रही थीं। शांत व संयत दिख रहे भट्ट ने संवाददाताओं से कहा, "मैं खुश हूं कि न्याय की जीत हुई। इससे आगे भी जीत की उम्मीद जगी है।" सत्र न्यायाधीश वीके व्यास ने इस शर्त पर भट्ट को जमानत दी कि वह जांच में सहयोग करेंगे और जब भी उन्हें बुलाया जाएगा वह अदालत में पेश होंगे। भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के अधिकारी भट्ट को 30 सितम्बर को गिरफ्तार किया गया था। आरोप है कि उन्होंने मोदी के खिलाफ गलत हलफनामा पर हस्ताक्षर करने के लिए पुलिस कांस्टेबल केडी पंथ पर दबाब बनाया, जिसमें लिखा था कि गोधरा में रेलगाड़ी में आग लगने और दंगा भड़कने के बाद बुलाई गई मुख्यमंत्री की बैठक में वह मौजूद थे। भट्ट ने इसी साल अप्रैल में सर्वोच्च न्यायालय में हलफनामा दायर कर कहा था कि गोधरा में रेलगाड़ी में आग लगने के बाद मोदी ने पुलिस कर्मियों की बैठक बुलाई थी और उनसे राज्य की बहुसंख्यक आबादी को अल्पसंख्यकों के खिलाफ अपना गुस्सा उतारने की अनुमति देने को कहा था। इस बीच, नई दिल्ली में केंद्रीय कानून मंत्री सलमान खुर्शीद ने कहा कि अदालत के आदेश से न्याय व्यवस्था की स्वतंत्रता स्थापित हुई है। उन्होंने कहा, "यह मायने नहीं रखता कि लोग क्या अनुमान लगाएंगे और कितने सवाल खड़े होंगे। अंतत: हमने दिखाया कि हमारी व्यवस्था स्वतंत्र है और यह जनमत या किसी अन्य तरह के दबाव में नहीं झुकती।"
निलंबित आईपीएस संजीव भट्ट को अहमदाबाद सेशंस कोर्ट से जमानत मिल गई है। मोदी सरकार इस जमानत के खिलाफ थी।
26
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: भारतीय कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने आईसीसी चैम्पियन्स ट्रॉफी के फाइनल में इंग्लैंड को हराने के बाद कहा कि उनकी टीम दबाव को बेहतर तरीके से झेलने में सफल रही, जो काफी महत्वपूर्ण साबित हुआ। भारत ने वर्षा से प्रभावित 20 ओवर के फाइनल में पहले बल्लेबाजी करते हुए विराट कोहली (43) और रविंद्र जडेजा (नाबाद 33) की उम्दा पारियों की मदद से सात विकेट पर 129 रन बनाए और फिर इंग्लैंड को आठ विकेट पर 124 रन पर रोक दिया। रविचंद्रन अश्विन ने भारत की ओर से 15 जबकि जडेजा ने 24 रन देकर दो विकेट चटकाए। इशांत शर्मा ने भी 36 रन देकर दो विकेट हासिल किए।टिप्पणियां धोनी ने भारत की पांच रन की जीत के बाद कहा, जब हम बल्लेबाजी कर रहे थे तो मैंने बल्लेबाजों से कहा कि 130 के करीब तक लेकर जाओ। बाद में हमें बारिश से भी मदद मिली, क्योंकि बाद में गेंद ग्रिप करने लगी थी। भारतीय कप्तान ने कहा कि कम स्कोर वाले मैच में दबाव से निपटना अहम साबित हुआ। उन्होंने कहा, सकारात्मक रहना अहम था। मैंने टीम से कहा कि हम नंबर एक टीम हैं और इसी तरह खेलकर दिखाएंगे। मुझे पता था कि पावर प्ले के दो ओवर अहम होंगे और मैं चाहता था कि वे स्पिनरों के खिलाफ स्लाग करें। धोनी ने कहा, हम दबाव से काफी अच्छी तरह निपटे। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में लोग तकनीक के बारे में बात करते हैं, लेकिन मुझे लगता है कि जो दबाव से बेहतर तरीके से निपटते हैं वे सफल रहते हैं। आज हमने ऐसा ही किया। भारत ने वर्षा से प्रभावित 20 ओवर के फाइनल में पहले बल्लेबाजी करते हुए विराट कोहली (43) और रविंद्र जडेजा (नाबाद 33) की उम्दा पारियों की मदद से सात विकेट पर 129 रन बनाए और फिर इंग्लैंड को आठ विकेट पर 124 रन पर रोक दिया। रविचंद्रन अश्विन ने भारत की ओर से 15 जबकि जडेजा ने 24 रन देकर दो विकेट चटकाए। इशांत शर्मा ने भी 36 रन देकर दो विकेट हासिल किए।टिप्पणियां धोनी ने भारत की पांच रन की जीत के बाद कहा, जब हम बल्लेबाजी कर रहे थे तो मैंने बल्लेबाजों से कहा कि 130 के करीब तक लेकर जाओ। बाद में हमें बारिश से भी मदद मिली, क्योंकि बाद में गेंद ग्रिप करने लगी थी। भारतीय कप्तान ने कहा कि कम स्कोर वाले मैच में दबाव से निपटना अहम साबित हुआ। उन्होंने कहा, सकारात्मक रहना अहम था। मैंने टीम से कहा कि हम नंबर एक टीम हैं और इसी तरह खेलकर दिखाएंगे। मुझे पता था कि पावर प्ले के दो ओवर अहम होंगे और मैं चाहता था कि वे स्पिनरों के खिलाफ स्लाग करें। धोनी ने कहा, हम दबाव से काफी अच्छी तरह निपटे। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में लोग तकनीक के बारे में बात करते हैं, लेकिन मुझे लगता है कि जो दबाव से बेहतर तरीके से निपटते हैं वे सफल रहते हैं। आज हमने ऐसा ही किया। रविचंद्रन अश्विन ने भारत की ओर से 15 जबकि जडेजा ने 24 रन देकर दो विकेट चटकाए। इशांत शर्मा ने भी 36 रन देकर दो विकेट हासिल किए।टिप्पणियां धोनी ने भारत की पांच रन की जीत के बाद कहा, जब हम बल्लेबाजी कर रहे थे तो मैंने बल्लेबाजों से कहा कि 130 के करीब तक लेकर जाओ। बाद में हमें बारिश से भी मदद मिली, क्योंकि बाद में गेंद ग्रिप करने लगी थी। भारतीय कप्तान ने कहा कि कम स्कोर वाले मैच में दबाव से निपटना अहम साबित हुआ। उन्होंने कहा, सकारात्मक रहना अहम था। मैंने टीम से कहा कि हम नंबर एक टीम हैं और इसी तरह खेलकर दिखाएंगे। मुझे पता था कि पावर प्ले के दो ओवर अहम होंगे और मैं चाहता था कि वे स्पिनरों के खिलाफ स्लाग करें। धोनी ने कहा, हम दबाव से काफी अच्छी तरह निपटे। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में लोग तकनीक के बारे में बात करते हैं, लेकिन मुझे लगता है कि जो दबाव से बेहतर तरीके से निपटते हैं वे सफल रहते हैं। आज हमने ऐसा ही किया। धोनी ने भारत की पांच रन की जीत के बाद कहा, जब हम बल्लेबाजी कर रहे थे तो मैंने बल्लेबाजों से कहा कि 130 के करीब तक लेकर जाओ। बाद में हमें बारिश से भी मदद मिली, क्योंकि बाद में गेंद ग्रिप करने लगी थी। भारतीय कप्तान ने कहा कि कम स्कोर वाले मैच में दबाव से निपटना अहम साबित हुआ। उन्होंने कहा, सकारात्मक रहना अहम था। मैंने टीम से कहा कि हम नंबर एक टीम हैं और इसी तरह खेलकर दिखाएंगे। मुझे पता था कि पावर प्ले के दो ओवर अहम होंगे और मैं चाहता था कि वे स्पिनरों के खिलाफ स्लाग करें। धोनी ने कहा, हम दबाव से काफी अच्छी तरह निपटे। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में लोग तकनीक के बारे में बात करते हैं, लेकिन मुझे लगता है कि जो दबाव से बेहतर तरीके से निपटते हैं वे सफल रहते हैं। आज हमने ऐसा ही किया। धोनी ने कहा, हम दबाव से काफी अच्छी तरह निपटे। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में लोग तकनीक के बारे में बात करते हैं, लेकिन मुझे लगता है कि जो दबाव से बेहतर तरीके से निपटते हैं वे सफल रहते हैं। आज हमने ऐसा ही किया।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: भारतीय कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने आईसीसी चैम्पियन्स ट्रॉफी के फाइनल में इंग्लैंड को हराने के बाद कहा कि उनकी टीम दबाव को बेहतर तरीके से झेलने में सफल रही, जो काफी महत्वपूर्ण साबित हुआ।
11
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: दूरसंचार उद्योग ने 2-जी स्पेक्ट्रम की नीलामी के प्रति कंपनियों के उदासीन रवैये के लिए सरकार द्वारा तय ऊंची आरक्षित कीमत को जिम्मेदार ठहराया है। जीएसएम कंपनियों के संगठन सीओएआई ने एक बयान में कहा है, अनेक कारणों में से एक स्पष्ट रूप से ऊंचा आरक्षित मूल्य है जिसका बाजार की वास्तविकता से कोई लेना देना नहीं था। अर्नेस्ट एंड यंग ग्लोबल के प्रशांत सिंघल ने भी नीलामी के परिणामों को इस बात का स्पष्ट संकेत बताया है कि आरक्षित मूल्य सही नहीं था।टिप्पणियां बहुचर्चित 2-जी स्पेक्ट्रम की नीलामी आज दूसरे दिन समाप्त हो गई जिसमें मात्र 9,407 करोड़ रुपये की बोलियां प्राप्त हुईं। आधे से भी कम स्पेक्ट्रम के लिए बोलियां प्राप्त हुईं और जितनी राशि की उम्मीद की जा रही थी उससे मात्र तिहाई हिस्से की ही बोली लगी। वहीं, वोडाफोन इंडिया ने कहा है कि उसने तो अतिरिक्त स्पेक्ट्रम पाने के लिए 2-जी नीलामी प्रक्रिया में भाग लिया था। वोडाफोन इंडिया ने 14 सर्कलों के लिए बोली पेश की थी। जीएसएम कंपनियों के संगठन सीओएआई ने एक बयान में कहा है, अनेक कारणों में से एक स्पष्ट रूप से ऊंचा आरक्षित मूल्य है जिसका बाजार की वास्तविकता से कोई लेना देना नहीं था। अर्नेस्ट एंड यंग ग्लोबल के प्रशांत सिंघल ने भी नीलामी के परिणामों को इस बात का स्पष्ट संकेत बताया है कि आरक्षित मूल्य सही नहीं था।टिप्पणियां बहुचर्चित 2-जी स्पेक्ट्रम की नीलामी आज दूसरे दिन समाप्त हो गई जिसमें मात्र 9,407 करोड़ रुपये की बोलियां प्राप्त हुईं। आधे से भी कम स्पेक्ट्रम के लिए बोलियां प्राप्त हुईं और जितनी राशि की उम्मीद की जा रही थी उससे मात्र तिहाई हिस्से की ही बोली लगी। वहीं, वोडाफोन इंडिया ने कहा है कि उसने तो अतिरिक्त स्पेक्ट्रम पाने के लिए 2-जी नीलामी प्रक्रिया में भाग लिया था। वोडाफोन इंडिया ने 14 सर्कलों के लिए बोली पेश की थी। बहुचर्चित 2-जी स्पेक्ट्रम की नीलामी आज दूसरे दिन समाप्त हो गई जिसमें मात्र 9,407 करोड़ रुपये की बोलियां प्राप्त हुईं। आधे से भी कम स्पेक्ट्रम के लिए बोलियां प्राप्त हुईं और जितनी राशि की उम्मीद की जा रही थी उससे मात्र तिहाई हिस्से की ही बोली लगी। वहीं, वोडाफोन इंडिया ने कहा है कि उसने तो अतिरिक्त स्पेक्ट्रम पाने के लिए 2-जी नीलामी प्रक्रिया में भाग लिया था। वोडाफोन इंडिया ने 14 सर्कलों के लिए बोली पेश की थी। वहीं, वोडाफोन इंडिया ने कहा है कि उसने तो अतिरिक्त स्पेक्ट्रम पाने के लिए 2-जी नीलामी प्रक्रिया में भाग लिया था। वोडाफोन इंडिया ने 14 सर्कलों के लिए बोली पेश की थी।
सारांश: दूरसंचार उद्योग ने 2-जी स्पेक्ट्रम की नीलामी के प्रति कंपनियों के उदासीन रवैये के लिए सरकार द्वारा तय ऊंची आरक्षित कीमत को जिम्मेदार ठहराया है।
31
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: पारा चढ़ने के कारण पूरा उत्तर भारत इन दिनों गर्मी से बेहाल है। कड़ी धूप से लोग तप रहे हैं। सबसे बुरी हालत ओडिशा की है जहां लू लगने से कम से कम चार लोगों की मौत हो चुकी है। राज्य के बहुत से स्थानों का अधिकतम तापमान 46 डिग्री सेल्सियस से अधिक हो गया है। हालांकि शनिवार को कुछ स्थानों पर तापमान में उतार-चढ़ाव दर्ज किया गया। लेकिन पारा 40 डिग्री के आसपास बना रहा और लोगों को राहत नहीं मिलती दिख रही है। ओडिशा के बोलनगीर, अंगुल, जाजपुर और सुबर्नपुर जिलों के अधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्र में लू लगने से एक-एक व्यक्ति की मौत होने की पुष्टि की है। इनमें से तीन मौते इस महीने जबकि एक मौत अप्रैल में हुई। तितलागढ़ का अधिकतम तापमान शुक्रवार को 46.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था। यह इस मौसम में दिन का अब तक सबसे ज्यादा तापमान है। दिल्ली में शनिवार सुबह न्यूनतम तापमान सामान्य से तीन डिग्री अधिक 29 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) के एक अधिकारी ने बताया, "यहां का अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा।" सुबह 8.30 बजे 39 फीसदी आर्द्रता दर्ज की गई। शुक्रवार को दिल्ली का अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस एवं न्यूनतम तापमान 27.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। उत्तर प्रदेश के सभी हिस्सों में भीषण गर्मी पड़ रही है। हालांकि तापमान में थोड़ी गिरावट आई है लेकिन पारा लगातार 40 डिग्री सेल्सियस के ऊपर बना हुआ है, जिससे सुबह से ही धूप और गर्म हवाएं लोगों को झुलसा रही हैं। शनिवार सुबह राजधानी लखनऊ का न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब एक डिग्री अधिक है। अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि राजस्थान से आ रही धूल भरी पछुआ हवाओं के कारण तापमान बढ़ रहा है। हालांकि बीते 24 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान में हल्की गिरावट दर्ज हुई है। बांदा का अधिकतम तापमान 44.0 डिग्री सेल्सियस, इलाहाबाद का 43.3 डिग्री सेल्सियस, इटावा का 43.8 डिग्री सेल्सियस और राजधानी लखनऊ का 40.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। पटना सहित बिहार के करीब सभी इलाकों में पिछले एक सप्ताह से गर्मी का दौर जारी है। हालांकि शुक्रवार को तापमान में हल्की कमी दर्ज की गई थी। स्थानीय मौसम विभाग के अनुसार शनिवार सुबह पटना और भागलपुर का न्यूनतम तापमान 28-28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि गया का न्यूनतम तापमान 27.9 डिग्री सेल्सियस और पूर्णिया का 26.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।टिप्पणियां गया शुक्रवार को राज्य का सर्वाधिक गर्म स्थान था, जहां का अधिकतम तापमान 40.7 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जबकि गुरुवार को यह 44.9 डिग्री सेल्सियस था। पटना का शुक्रवार को अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि भागलपुर का अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस था। पटना मौसम विज्ञान केन्द्र के निदेशक ए़ क़े सेन ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में हवा का दबाव बनने की संभावना है, जिसे शनिवार को बिहार पहुंचने की उम्मीद है। इस दबाव के कारण ही तापमान में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई थी, जो आज भी बना रहेगी। उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों में बारिश भी होने का अंदेशा है। राज्य के बहुत से स्थानों का अधिकतम तापमान 46 डिग्री सेल्सियस से अधिक हो गया है। हालांकि शनिवार को कुछ स्थानों पर तापमान में उतार-चढ़ाव दर्ज किया गया। लेकिन पारा 40 डिग्री के आसपास बना रहा और लोगों को राहत नहीं मिलती दिख रही है। ओडिशा के बोलनगीर, अंगुल, जाजपुर और सुबर्नपुर जिलों के अधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्र में लू लगने से एक-एक व्यक्ति की मौत होने की पुष्टि की है। इनमें से तीन मौते इस महीने जबकि एक मौत अप्रैल में हुई। तितलागढ़ का अधिकतम तापमान शुक्रवार को 46.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था। यह इस मौसम में दिन का अब तक सबसे ज्यादा तापमान है। दिल्ली में शनिवार सुबह न्यूनतम तापमान सामान्य से तीन डिग्री अधिक 29 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) के एक अधिकारी ने बताया, "यहां का अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा।" सुबह 8.30 बजे 39 फीसदी आर्द्रता दर्ज की गई। शुक्रवार को दिल्ली का अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस एवं न्यूनतम तापमान 27.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। उत्तर प्रदेश के सभी हिस्सों में भीषण गर्मी पड़ रही है। हालांकि तापमान में थोड़ी गिरावट आई है लेकिन पारा लगातार 40 डिग्री सेल्सियस के ऊपर बना हुआ है, जिससे सुबह से ही धूप और गर्म हवाएं लोगों को झुलसा रही हैं। शनिवार सुबह राजधानी लखनऊ का न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब एक डिग्री अधिक है। अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि राजस्थान से आ रही धूल भरी पछुआ हवाओं के कारण तापमान बढ़ रहा है। हालांकि बीते 24 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान में हल्की गिरावट दर्ज हुई है। बांदा का अधिकतम तापमान 44.0 डिग्री सेल्सियस, इलाहाबाद का 43.3 डिग्री सेल्सियस, इटावा का 43.8 डिग्री सेल्सियस और राजधानी लखनऊ का 40.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। पटना सहित बिहार के करीब सभी इलाकों में पिछले एक सप्ताह से गर्मी का दौर जारी है। हालांकि शुक्रवार को तापमान में हल्की कमी दर्ज की गई थी। स्थानीय मौसम विभाग के अनुसार शनिवार सुबह पटना और भागलपुर का न्यूनतम तापमान 28-28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि गया का न्यूनतम तापमान 27.9 डिग्री सेल्सियस और पूर्णिया का 26.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।टिप्पणियां गया शुक्रवार को राज्य का सर्वाधिक गर्म स्थान था, जहां का अधिकतम तापमान 40.7 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जबकि गुरुवार को यह 44.9 डिग्री सेल्सियस था। पटना का शुक्रवार को अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि भागलपुर का अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस था। पटना मौसम विज्ञान केन्द्र के निदेशक ए़ क़े सेन ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में हवा का दबाव बनने की संभावना है, जिसे शनिवार को बिहार पहुंचने की उम्मीद है। इस दबाव के कारण ही तापमान में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई थी, जो आज भी बना रहेगी। उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों में बारिश भी होने का अंदेशा है। ओडिशा के बोलनगीर, अंगुल, जाजपुर और सुबर्नपुर जिलों के अधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्र में लू लगने से एक-एक व्यक्ति की मौत होने की पुष्टि की है। इनमें से तीन मौते इस महीने जबकि एक मौत अप्रैल में हुई। तितलागढ़ का अधिकतम तापमान शुक्रवार को 46.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था। यह इस मौसम में दिन का अब तक सबसे ज्यादा तापमान है। दिल्ली में शनिवार सुबह न्यूनतम तापमान सामान्य से तीन डिग्री अधिक 29 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) के एक अधिकारी ने बताया, "यहां का अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा।" सुबह 8.30 बजे 39 फीसदी आर्द्रता दर्ज की गई। शुक्रवार को दिल्ली का अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस एवं न्यूनतम तापमान 27.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। उत्तर प्रदेश के सभी हिस्सों में भीषण गर्मी पड़ रही है। हालांकि तापमान में थोड़ी गिरावट आई है लेकिन पारा लगातार 40 डिग्री सेल्सियस के ऊपर बना हुआ है, जिससे सुबह से ही धूप और गर्म हवाएं लोगों को झुलसा रही हैं। शनिवार सुबह राजधानी लखनऊ का न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब एक डिग्री अधिक है। अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि राजस्थान से आ रही धूल भरी पछुआ हवाओं के कारण तापमान बढ़ रहा है। हालांकि बीते 24 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान में हल्की गिरावट दर्ज हुई है। बांदा का अधिकतम तापमान 44.0 डिग्री सेल्सियस, इलाहाबाद का 43.3 डिग्री सेल्सियस, इटावा का 43.8 डिग्री सेल्सियस और राजधानी लखनऊ का 40.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। पटना सहित बिहार के करीब सभी इलाकों में पिछले एक सप्ताह से गर्मी का दौर जारी है। हालांकि शुक्रवार को तापमान में हल्की कमी दर्ज की गई थी। स्थानीय मौसम विभाग के अनुसार शनिवार सुबह पटना और भागलपुर का न्यूनतम तापमान 28-28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि गया का न्यूनतम तापमान 27.9 डिग्री सेल्सियस और पूर्णिया का 26.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।टिप्पणियां गया शुक्रवार को राज्य का सर्वाधिक गर्म स्थान था, जहां का अधिकतम तापमान 40.7 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जबकि गुरुवार को यह 44.9 डिग्री सेल्सियस था। पटना का शुक्रवार को अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि भागलपुर का अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस था। पटना मौसम विज्ञान केन्द्र के निदेशक ए़ क़े सेन ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में हवा का दबाव बनने की संभावना है, जिसे शनिवार को बिहार पहुंचने की उम्मीद है। इस दबाव के कारण ही तापमान में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई थी, जो आज भी बना रहेगी। उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों में बारिश भी होने का अंदेशा है। तितलागढ़ का अधिकतम तापमान शुक्रवार को 46.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था। यह इस मौसम में दिन का अब तक सबसे ज्यादा तापमान है। दिल्ली में शनिवार सुबह न्यूनतम तापमान सामान्य से तीन डिग्री अधिक 29 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) के एक अधिकारी ने बताया, "यहां का अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा।" सुबह 8.30 बजे 39 फीसदी आर्द्रता दर्ज की गई। शुक्रवार को दिल्ली का अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस एवं न्यूनतम तापमान 27.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। उत्तर प्रदेश के सभी हिस्सों में भीषण गर्मी पड़ रही है। हालांकि तापमान में थोड़ी गिरावट आई है लेकिन पारा लगातार 40 डिग्री सेल्सियस के ऊपर बना हुआ है, जिससे सुबह से ही धूप और गर्म हवाएं लोगों को झुलसा रही हैं। शनिवार सुबह राजधानी लखनऊ का न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब एक डिग्री अधिक है। अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि राजस्थान से आ रही धूल भरी पछुआ हवाओं के कारण तापमान बढ़ रहा है। हालांकि बीते 24 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान में हल्की गिरावट दर्ज हुई है। बांदा का अधिकतम तापमान 44.0 डिग्री सेल्सियस, इलाहाबाद का 43.3 डिग्री सेल्सियस, इटावा का 43.8 डिग्री सेल्सियस और राजधानी लखनऊ का 40.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। पटना सहित बिहार के करीब सभी इलाकों में पिछले एक सप्ताह से गर्मी का दौर जारी है। हालांकि शुक्रवार को तापमान में हल्की कमी दर्ज की गई थी। स्थानीय मौसम विभाग के अनुसार शनिवार सुबह पटना और भागलपुर का न्यूनतम तापमान 28-28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि गया का न्यूनतम तापमान 27.9 डिग्री सेल्सियस और पूर्णिया का 26.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।टिप्पणियां गया शुक्रवार को राज्य का सर्वाधिक गर्म स्थान था, जहां का अधिकतम तापमान 40.7 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जबकि गुरुवार को यह 44.9 डिग्री सेल्सियस था। पटना का शुक्रवार को अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि भागलपुर का अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस था। पटना मौसम विज्ञान केन्द्र के निदेशक ए़ क़े सेन ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में हवा का दबाव बनने की संभावना है, जिसे शनिवार को बिहार पहुंचने की उम्मीद है। इस दबाव के कारण ही तापमान में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई थी, जो आज भी बना रहेगी। उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों में बारिश भी होने का अंदेशा है। दिल्ली में शनिवार सुबह न्यूनतम तापमान सामान्य से तीन डिग्री अधिक 29 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) के एक अधिकारी ने बताया, "यहां का अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा।" सुबह 8.30 बजे 39 फीसदी आर्द्रता दर्ज की गई। शुक्रवार को दिल्ली का अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस एवं न्यूनतम तापमान 27.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। उत्तर प्रदेश के सभी हिस्सों में भीषण गर्मी पड़ रही है। हालांकि तापमान में थोड़ी गिरावट आई है लेकिन पारा लगातार 40 डिग्री सेल्सियस के ऊपर बना हुआ है, जिससे सुबह से ही धूप और गर्म हवाएं लोगों को झुलसा रही हैं। शनिवार सुबह राजधानी लखनऊ का न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब एक डिग्री अधिक है। अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि राजस्थान से आ रही धूल भरी पछुआ हवाओं के कारण तापमान बढ़ रहा है। हालांकि बीते 24 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान में हल्की गिरावट दर्ज हुई है। बांदा का अधिकतम तापमान 44.0 डिग्री सेल्सियस, इलाहाबाद का 43.3 डिग्री सेल्सियस, इटावा का 43.8 डिग्री सेल्सियस और राजधानी लखनऊ का 40.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। पटना सहित बिहार के करीब सभी इलाकों में पिछले एक सप्ताह से गर्मी का दौर जारी है। हालांकि शुक्रवार को तापमान में हल्की कमी दर्ज की गई थी। स्थानीय मौसम विभाग के अनुसार शनिवार सुबह पटना और भागलपुर का न्यूनतम तापमान 28-28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि गया का न्यूनतम तापमान 27.9 डिग्री सेल्सियस और पूर्णिया का 26.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।टिप्पणियां गया शुक्रवार को राज्य का सर्वाधिक गर्म स्थान था, जहां का अधिकतम तापमान 40.7 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जबकि गुरुवार को यह 44.9 डिग्री सेल्सियस था। पटना का शुक्रवार को अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि भागलपुर का अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस था। पटना मौसम विज्ञान केन्द्र के निदेशक ए़ क़े सेन ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में हवा का दबाव बनने की संभावना है, जिसे शनिवार को बिहार पहुंचने की उम्मीद है। इस दबाव के कारण ही तापमान में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई थी, जो आज भी बना रहेगी। उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों में बारिश भी होने का अंदेशा है। उत्तर प्रदेश के सभी हिस्सों में भीषण गर्मी पड़ रही है। हालांकि तापमान में थोड़ी गिरावट आई है लेकिन पारा लगातार 40 डिग्री सेल्सियस के ऊपर बना हुआ है, जिससे सुबह से ही धूप और गर्म हवाएं लोगों को झुलसा रही हैं। शनिवार सुबह राजधानी लखनऊ का न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब एक डिग्री अधिक है। अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि राजस्थान से आ रही धूल भरी पछुआ हवाओं के कारण तापमान बढ़ रहा है। हालांकि बीते 24 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान में हल्की गिरावट दर्ज हुई है। बांदा का अधिकतम तापमान 44.0 डिग्री सेल्सियस, इलाहाबाद का 43.3 डिग्री सेल्सियस, इटावा का 43.8 डिग्री सेल्सियस और राजधानी लखनऊ का 40.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। पटना सहित बिहार के करीब सभी इलाकों में पिछले एक सप्ताह से गर्मी का दौर जारी है। हालांकि शुक्रवार को तापमान में हल्की कमी दर्ज की गई थी। स्थानीय मौसम विभाग के अनुसार शनिवार सुबह पटना और भागलपुर का न्यूनतम तापमान 28-28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि गया का न्यूनतम तापमान 27.9 डिग्री सेल्सियस और पूर्णिया का 26.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।टिप्पणियां गया शुक्रवार को राज्य का सर्वाधिक गर्म स्थान था, जहां का अधिकतम तापमान 40.7 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जबकि गुरुवार को यह 44.9 डिग्री सेल्सियस था। पटना का शुक्रवार को अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि भागलपुर का अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस था। पटना मौसम विज्ञान केन्द्र के निदेशक ए़ क़े सेन ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में हवा का दबाव बनने की संभावना है, जिसे शनिवार को बिहार पहुंचने की उम्मीद है। इस दबाव के कारण ही तापमान में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई थी, जो आज भी बना रहेगी। उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों में बारिश भी होने का अंदेशा है। शनिवार सुबह राजधानी लखनऊ का न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब एक डिग्री अधिक है। अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि राजस्थान से आ रही धूल भरी पछुआ हवाओं के कारण तापमान बढ़ रहा है। हालांकि बीते 24 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान में हल्की गिरावट दर्ज हुई है। बांदा का अधिकतम तापमान 44.0 डिग्री सेल्सियस, इलाहाबाद का 43.3 डिग्री सेल्सियस, इटावा का 43.8 डिग्री सेल्सियस और राजधानी लखनऊ का 40.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। पटना सहित बिहार के करीब सभी इलाकों में पिछले एक सप्ताह से गर्मी का दौर जारी है। हालांकि शुक्रवार को तापमान में हल्की कमी दर्ज की गई थी। स्थानीय मौसम विभाग के अनुसार शनिवार सुबह पटना और भागलपुर का न्यूनतम तापमान 28-28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि गया का न्यूनतम तापमान 27.9 डिग्री सेल्सियस और पूर्णिया का 26.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।टिप्पणियां गया शुक्रवार को राज्य का सर्वाधिक गर्म स्थान था, जहां का अधिकतम तापमान 40.7 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जबकि गुरुवार को यह 44.9 डिग्री सेल्सियस था। पटना का शुक्रवार को अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि भागलपुर का अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस था। पटना मौसम विज्ञान केन्द्र के निदेशक ए़ क़े सेन ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में हवा का दबाव बनने की संभावना है, जिसे शनिवार को बिहार पहुंचने की उम्मीद है। इस दबाव के कारण ही तापमान में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई थी, जो आज भी बना रहेगी। उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों में बारिश भी होने का अंदेशा है। हालांकि बीते 24 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान में हल्की गिरावट दर्ज हुई है। बांदा का अधिकतम तापमान 44.0 डिग्री सेल्सियस, इलाहाबाद का 43.3 डिग्री सेल्सियस, इटावा का 43.8 डिग्री सेल्सियस और राजधानी लखनऊ का 40.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। पटना सहित बिहार के करीब सभी इलाकों में पिछले एक सप्ताह से गर्मी का दौर जारी है। हालांकि शुक्रवार को तापमान में हल्की कमी दर्ज की गई थी। स्थानीय मौसम विभाग के अनुसार शनिवार सुबह पटना और भागलपुर का न्यूनतम तापमान 28-28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि गया का न्यूनतम तापमान 27.9 डिग्री सेल्सियस और पूर्णिया का 26.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।टिप्पणियां गया शुक्रवार को राज्य का सर्वाधिक गर्म स्थान था, जहां का अधिकतम तापमान 40.7 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जबकि गुरुवार को यह 44.9 डिग्री सेल्सियस था। पटना का शुक्रवार को अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि भागलपुर का अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस था। पटना मौसम विज्ञान केन्द्र के निदेशक ए़ क़े सेन ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में हवा का दबाव बनने की संभावना है, जिसे शनिवार को बिहार पहुंचने की उम्मीद है। इस दबाव के कारण ही तापमान में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई थी, जो आज भी बना रहेगी। उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों में बारिश भी होने का अंदेशा है। पटना सहित बिहार के करीब सभी इलाकों में पिछले एक सप्ताह से गर्मी का दौर जारी है। हालांकि शुक्रवार को तापमान में हल्की कमी दर्ज की गई थी। स्थानीय मौसम विभाग के अनुसार शनिवार सुबह पटना और भागलपुर का न्यूनतम तापमान 28-28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि गया का न्यूनतम तापमान 27.9 डिग्री सेल्सियस और पूर्णिया का 26.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।टिप्पणियां गया शुक्रवार को राज्य का सर्वाधिक गर्म स्थान था, जहां का अधिकतम तापमान 40.7 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जबकि गुरुवार को यह 44.9 डिग्री सेल्सियस था। पटना का शुक्रवार को अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि भागलपुर का अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस था। पटना मौसम विज्ञान केन्द्र के निदेशक ए़ क़े सेन ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में हवा का दबाव बनने की संभावना है, जिसे शनिवार को बिहार पहुंचने की उम्मीद है। इस दबाव के कारण ही तापमान में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई थी, जो आज भी बना रहेगी। उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों में बारिश भी होने का अंदेशा है। गया शुक्रवार को राज्य का सर्वाधिक गर्म स्थान था, जहां का अधिकतम तापमान 40.7 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जबकि गुरुवार को यह 44.9 डिग्री सेल्सियस था। पटना का शुक्रवार को अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि भागलपुर का अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस था। पटना मौसम विज्ञान केन्द्र के निदेशक ए़ क़े सेन ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में हवा का दबाव बनने की संभावना है, जिसे शनिवार को बिहार पहुंचने की उम्मीद है। इस दबाव के कारण ही तापमान में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई थी, जो आज भी बना रहेगी। उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों में बारिश भी होने का अंदेशा है। पटना मौसम विज्ञान केन्द्र के निदेशक ए़ क़े सेन ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में हवा का दबाव बनने की संभावना है, जिसे शनिवार को बिहार पहुंचने की उम्मीद है। इस दबाव के कारण ही तापमान में शुक्रवार को गिरावट दर्ज की गई थी, जो आज भी बना रहेगी। उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों में बारिश भी होने का अंदेशा है।
संक्षिप्त पाठ: पारा चढ़ने के कारण पूरा उत्तर भारत इन दिनों गर्मी से बेहाल है। कड़ी धूप से लोग तप रहे हैं। सबसे बुरी हालत ओडिशा की है जहां लू लगने से कम से कम चार लोगों की मौत हो चुकी है।
27
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: लोकसभा चुनाव इसी हफ्ते खत्म हो रहा है. इस बार के चुनाव में काफी कुछ नया दिखा. हालांकि सबसे हैरान करने वाली बात रही चुनाव मैदान में आपराधिक पृष्ठभूमि वाले अपराधियों की मौजूदगी, जो अब तक के सभी चुनावों से सबसे ज़्यादा है. चुनावों पर नज़र रखने वाली संस्था एडीआर-इलेक्शन वाच के मुताबिक  2019 के चुनाव में 7928 उम्मीदवारों में से 1500 उम्मीदवारों ने अपने खिलाफ आपराधिक मामले डिक्लेयर किए हैं. सन 2009 में 15% उम्मीदवारों के खिलाफ आपराधिक मामले थे, 2014 के चुनाव में 17% पर मामले थे. यह 2019 में बढ़कर 19% पहुंच गए हैं. 2019 के चुनाव में 55 उम्मीदवारों के खिलाफ मर्डर केस और 184 के खिलाफ अटेम्पट टू मर्डर (हत्या की कोशिश) केस दर्ज़ हैं.     एडीआर/इलेक्शन वॉच के संस्थापक जगदीप चोकर ने एनडीटीवी से कहा, "राजनीति का अपराधीकरण लगातार बढ़ रहा है लेकिन कोई राजनीतिक दल चिंतित नहीं है." चुनाव में 7928 उम्मीदवारों की स्टडी में यह बात भी सामने आई है कि चुनावों में पैसे का भी बोलबाला बढ़ रहा है. एडीआर-इलेक्शन वाच के मुताबिक 7928 उम्मीदवारों की स्टडी में यह बात भी सामने आई है कि कुल 2297 उम्मीदवार करोड़पति हैं यानी 29 प्रतिशत! यह महत्वपूर्ण है कि 2014 के लोकसभा चुनाव में 27% उम्मीदवार करोड़पति थे. जबकि उससे पहले 2009 के चुनाव में सिर्फ 16% उम्मीदवार करोड़पति थे. एडीआर/इलेक्शन वॉच के हेड अनिल वर्मा ने एनडीटीवी से कहा, "राजनीति में पैसे का बोलबाला बढ़ रहा है." अनिल वर्मा कहते हैं कि चुनावों में बेतहाशा पैसा खर्च किया जा रहा है और राजनीतिक दल कितना खर्च कर सकते हैं इस पर कोई रुकावट नहीं है. अनिल वर्मा ने कहा - अब समय आ गया है कि राजनीतिक दल चुनावों में कितना पैसा खर्च कर सकते हैं, इसकी सीमा तय की जाए. एक और चिंता वाली बात महिलाओं के प्रतिनिधित्व को लेकर उठ रही है. 2019 के चुनावों में सिर्फ 9% उम्मीदवार महिला हैं. हालांकि 2009 में स्थिति और खराब थी जब सिर्फ 7% महिला उम्मीदवार चुनाव मैदान में थीं. सन 2014 के चुनाव में मामूली बढ़ोत्तरी हुई थी और महिला उम्मीदवारों की भागीदारी बढ़कर 8% हो गई थी.
संक्षिप्त सारांश: कुल 7928 उम्मीदवार, 1500 ने अपने खिलाफ आपराधिक मामले घोषित किए कुल उम्मीदवारों में से 29 प्रतिशत, यानी 2297 उम्मीदवार करोड़पति लोकसभा चुनाव 2019 के उम्मीदवारों में सिर्फ 9 प्रतिशत महिलाएं
29
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: सत्तारूढ़ कांग्रेस-राकांपा गठजोड़ को झटका देते हुए भाजपा उम्मीदवार भीमराव तापकिर ने सोमवार को पुणे जिले की खड़कवासला विधानसभा के उपचुनाव में राकांपा प्रत्याशी हषर्दा वनजाले को हरा दिया। तापकिर ने दिवंगत मनसे विधायक रमेश वनजाले की विधवा हर्षदा को 3,625 वोटों के अंतर से शिकस्त दी। रमेश के निधन के बाद खाली हुई इस सीट पर 13 अक्तूबर को उपचुनाव हुआ था। महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने उपचुनाव से एक दिन पहले हर्षदा को राकांपा में लाने में अहम भूमिका निभाई थी और यह चुनाव पवार के लिए प्रतिष्ठा का प्रश्न बना हुआ था। भाजपा की जीत पर शिवसेना प्रवक्ता और सांसद संजय राउत ने कहा, यह न केवल कांग्रेस-राकांपा गठबंधन की हार है बल्कि अजित पवार की भी पराजय है। आरपीआई नेता रामदास अठावले ने कहा कि भाजपा उम्मीदवार की जीत शिवसेना-भाजपा गठजोड़ से उनकी पार्टी के तालमेल का नतीजा है। अजित पवार के साथ राकांपा अध्यक्ष शरद पवार की बेटी तथा पार्टी सांसद सुप्रिया सुले ने भी निजी तौर पर हषर्दा के चुनाव प्रचार की कमान संभाल रखी थी। भाजपा ने पुणे जिले से ताल्लुक रखने वाले प्रदेश के उपमुख्यमंत्री अजित पवार के कथित अड़ियल रवैये के मुद्दे को चुनाव प्रचार में पुरजोर तरीके से उठाया। खड़कवासला विधानसभा बारामती लोकसभा के अंतर्गत आती है जहां से सुप्रिया सुले सांसद हैं। सुप्रिया ने फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राकांपा की ओर से अंतरावलोकन की जरूरत है। उन्होंने बारामती की सांसद के तौर पर राकांपा की हार की जिम्मेदारी भी स्वीकारी। पुणे से भाजपा के विधायक गिरीश बापट ने कहा कि महा गठबंधन की जीत प्रदेश में भविष्य में होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए निर्णायक साबित होगी क्योंकि जनता ने सत्तारूढ़ गठबंधन और अजीत पवार के अहंकारी रवैये के खिलाफ मतदान किया है। पुणे से ही शिवसेना की नेता नीलम गोरहे ने इस जीत को आरपीआई के साथ बने गठबंधन की पहली जीत करार दिया। उन्होंने कहा कि यह कांग्रेस-राकांपा गठबंधन के पतन की शुरूआत है जो एक दशक से राज्य में शासन कर रहा है। आरपीआई नेता अठावले ने कहा कि तापकिर की जीत दलित वोटों के विभाजन की कांग्रेस की योजना का सटीक जवाब है। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सुधीर मुंगंतीवार ने कहा कि यह जीत राजनीतिक बदलाव की बयार का संकेत देती है जो प्रदेश में बहेगी।
संक्षिप्त पाठ: सत्तारूढ़ कांग्रेस-राकांपा गठजोड़ को झटका देते हुए भाजपा उम्मीदवार भीमराव तापकिर ने पुणे जिले की खड़कवासला विधानसभा के उपचुनाव में राकांपा प्रत्याशी हर्षदा वनजाले को हरा दिया।
14
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारतीय रिजर्व बैंक अपनी मौद्रिक नीति समीक्षा में अल्पावधि की ब्याज दरों में चौथाई प्रतिशत की कटौती कर सकता है। रिजर्व बैंक सोमवार को मौद्रिक नीति की घोषणा करेगा। मॉर्गन स्टेनले और बार्कले को उम्मीद है कि रिजर्व बैंक रेपो दर में चौथाई प्रतिशत की कटौती कर सकता है। दूसरी ओर, डन एंड ब्रैडस्ट्रीट व एचएसबीसी का मानना है कि यह कटौती आर्थिक वृद्धि दर में गिरावट थामने के लिए पर्याप्त नहीं होगी। मॉर्गन स्टेनले ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि थोक मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति लगातार ऊंची बनी है और जीडीपी वृद्धि दर घट रही है। हमें लगता है कि रिजर्व बैंक 18 जून को मौद्रिक नीति समीक्षा में रेपो दर में 0.25 प्रतिशत की कटौती करेगा। डन एंड ब्रैडस्ट्रीट इंडिया के वरिष्ठ अर्थशास्त्री अरुण सिंह ने कहा कि बीते वित्त वर्ष में जीडीपी वृद्धि दर में उल्लेखनीय गिरावट से आगे चलकर वृद्धि दर बढ़ाने के लिए कदम उठाने का मामला बनता है।
संक्षिप्त पाठ: भारतीय रिजर्व बैंक अपनी मौद्रिक नीति समीक्षा में अल्पावधि की ब्याज दरों में चौथाई प्रतिशत की कटौती कर सकता है। रिजर्व बैंक सोमवार को मौद्रिक नीति की घोषणा करेगा।
22
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: नेटफ्लिक्स (Netflix) पर एक्शन फिल्म 'सिक्स अंडरग्राउंड (6 Underground)' रिलीज हो चुकी है. 'सिक्स अंडरग्राउंड (6 Underground )' एक्शन और रोमांच से भरपूर फिल्म है जिसे माइकल बे ने डायरेक्ट किया है. माइकल बे इससे पहले 'बैड बॉयज' और 'ट्रांसफॉरमर्स' जैसी फिल्म डायरेक्ट कर चुके हैं. हालांकि घालमेल वाली स्टोरीलाइन के बावजूद फिल्म का एक्शन और सीन काफी लाजवाब हैं और इसके साथ ही रायन रेनॉल्ड्स, मैनुअल गार्सिया-रल्फो, बेन हार्डी, मेलानी लॉरेंत, एद्रिया अरजोना, डेव फ्रैंको और कोरी हॉकिंस जैसी शानदार कलाकार हैं.  'सिक्स अंडरग्राउंड (6 Underground )' फिल्म की शुरुआत एक कार चेज सीन के साथ होती है. 'सिक्स अंडरग्राउंड (6 Underground )' का कार चेज सीन इतना शानदार है कि इसमें एक्शन प्रेमियों की उड़ती ही कारों के साथ गोलियां चलते हुए तो दिखेंगी इसके साथ ही पार्कोर के प्रेमियों के लिए भी जबरदस्त सीन है. फिल्म में छह लोगों की टीम है जिनके कोई नाम नहीं है. इस टीम के लीडर रायन रेनॉल्ड्स हैं और उन्हें कुछ बुरे लोगों को खत्म करना है. पूरी दुनिया की नजर में यह लोग मर चुके हैं लेकिन यह घोस्ट बनकर अपने काम को अंजाम देते हैं और दुनिया इनसे पूरी तरह अंजान रहती है. हालांकि कहानी में काफी झोल है और माइकल बे का पूरा फोकस एक्शन दिखाने पर रहता है. जिसमें वह पूरी तरह सफल भी रहते हैं. फिल्म का एक्शन हैरतअंगेज और आंखें खुली की खुली रह जाती है. माइकल बे ने पार्कोर तकनीक के साथ प्रयोग किया है, वह बहुत बढ़िया है. नेटफ्लिक्स (Netflix) ) ने फिल्म को हिंदी में भी रिलीज किया है और भारतीय ऑडियंस का एक मजेदार एक्शन फिल्म देखने का मजा दोगुना हो जाता है.
यह एक सारांश है: नेटफ्लिक्स पर रिलीज हुई 'सिक्स अंडरग्राउंड' एक्शन से भरपूर है 'सिक्स अंडरग्राउंड' माइकल बे हैं फिल्म के डायरेक्टर
9
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: गुजरात चुनाव से ठीक पहले केंद्र सरकार की सब्सिडी के बदले कैश योजना शुरू करने के ऐलान पर बीजेपी की शिकायत के बाद चुनाव आयोग ने कैबिनेट सचिव से जवाब मांगा है। चुनाव आयोग ने चिट्ठी लिखकर कैबिनेट सचिव से योजना के ऐलान के समय पर सवाल उठाए हैं। चिट्ठी में लिखा गया है कि आदर्श आचार संहिता लागू के कारण योजना के ऐलान को कुछ दिनों के लिए टाला जा सकता था।टिप्पणियां चुनाव आयोग ने सोमवार शाम तक इसपर जवाब मांगा है। चिट्ठी में यह भी कहा गया है कि जवाब नहीं मिलने पर आयोग कार्रवाई करेगा। इससे पहले, बीजेपी नेताओं ने चुनाव आयोग से इसकी शिकायत की थी। बीजेपी ने चुनाव आयोग के केंद्र से सवाल पूछने के कदम की सराहना की है। चुनाव आयोग ने चिट्ठी लिखकर कैबिनेट सचिव से योजना के ऐलान के समय पर सवाल उठाए हैं। चिट्ठी में लिखा गया है कि आदर्श आचार संहिता लागू के कारण योजना के ऐलान को कुछ दिनों के लिए टाला जा सकता था।टिप्पणियां चुनाव आयोग ने सोमवार शाम तक इसपर जवाब मांगा है। चिट्ठी में यह भी कहा गया है कि जवाब नहीं मिलने पर आयोग कार्रवाई करेगा। इससे पहले, बीजेपी नेताओं ने चुनाव आयोग से इसकी शिकायत की थी। बीजेपी ने चुनाव आयोग के केंद्र से सवाल पूछने के कदम की सराहना की है। चुनाव आयोग ने सोमवार शाम तक इसपर जवाब मांगा है। चिट्ठी में यह भी कहा गया है कि जवाब नहीं मिलने पर आयोग कार्रवाई करेगा। इससे पहले, बीजेपी नेताओं ने चुनाव आयोग से इसकी शिकायत की थी। बीजेपी ने चुनाव आयोग के केंद्र से सवाल पूछने के कदम की सराहना की है। इससे पहले, बीजेपी नेताओं ने चुनाव आयोग से इसकी शिकायत की थी। बीजेपी ने चुनाव आयोग के केंद्र से सवाल पूछने के कदम की सराहना की है।
गुजरात चुनाव से ठीक पहले केंद्र सरकार की सब्सिडी के बदले कैश योजना शुरू करने के ऐलान पर बीजेपी की शिकायत के बाद चुनाव आयोग ने कैबिनेट सचिव से जवाब मांगा है।
6
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: लगातार दो टेस्ट जीतकर सीरीज में अपराजेय बढ़त हासिल करने वाली भारतीय टीम के पास गुरुवार से शुरू हो रहे तीसरे टेस्ट के जरिये ऐतिहासिक जीत हासिल करने का सुनहरा मौका है, जबकि ऑस्ट्रेलियाई टीम मैदान के बाहर विवादों से जूझ रही है। चेन्नई और हैदराबाद में शर्मनाक हार झेलने वाली ऑस्ट्रेलियाई टीम को एक और करारा झटका तब लगा जब उप-कप्तान शेन वाटसन समेत चार प्रमुख खिलाड़ी अनुशासनहीनता के कारण तीसरे टेस्ट से पहले टीम से बाहर कर दिए गए। ऑस्ट्रेलिया ने कई बार शृंखलाओं में भारत का सफाया किया है, लेकिन उसके खिलाफ भारत का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन अभी तक 1979-80 में मिली 2-0 से जीत रहा। उस दौरे पर किम ह्यूजेस की अगुवाई वाली ऑस्ट्रेलियाई टीम ने छह टेस्ट खेले थे। इस बार यदि भारत 3-0 से जीत हासिल कर लेता है तो यह रिकॉर्ड होगा। भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ किसी शृंखला में दो से अधिक टेस्ट नहीं जीते हैं। ऑस्ट्रेलिया ने पिछली बार अपनी मेजबानी में हुई शृंखला में भारत का 4-0 से सफाया किया था। मौजूदा सीरीज में ऑस्ट्रेलिया ने पहला टेस्ट आठ विकेट से गंवाया जबकि हैदराबाद में दूसरे टेस्ट में एक पारी और 135 रन से पराजय झेली। चार खिलाड़ियों वाटसन, तेज गेंदबाज जेम्स पेटिंसन, मिशेल जानसन और बल्लेबाज उस्मान ख्वाजा को बाहर करके ऑस्ट्रेलिया ने अपनी मुश्किलें और बढ़ा ली है। दूसरी ओर भारत के सामने समस्या स्टार बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा को अभ्यास के दौरान लगी चोट है। हैदराबाद में दूसरे टेस्ट में भारत की जीत के सूत्रधार रहे पुजारा को अभ्यास के दौरान बाएं घुटने में चोट लगी और वह दर्द से कराहते नजर आए। बाद में उनके घुटने पर पट्टी बांधी गई और वह आगे अभ्यास नहीं कर सके। वैसे संकेत मिले हैं कि वह अंतिम एकादश का हिस्सा होंगे। टीम से बाहर सलामी बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग को छोड़कर भारत पिछले दो मैच जीत चुकी अंतिम एकादश में कोई बदलाव नहीं करना चाहेगा। हरभजन सिंह की जगह हालांकि बाएं हाथ के स्पिनर प्रज्ञान ओझा को उतारा जा सकता है। सहवाग की गैर-मौजूदगी में शिखर धवन को मुरली विजय के साथ पारी की शुरुआत का मौका मिल सकता है। विजय ने पिछले टेस्ट में शतक जमाकर अपनी जगह सुरक्षित रखी। मध्यक्रम में पुजारा, विराट कोहली और सचिन तेंदुलकर कमान संभालेंगे।टिप्पणियां नेट पर तेंदुलकर ने स्पिनरों के सामने ही अभ्यास किया। हरभजन और ओझा ने उन्हें काफी गेंदबाजी की। कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने भी बल्लेबाजी का अभ्यास किया, जिन्हें ईशांत शर्मा और रविंद्र जडेजा ने गेंदबाजी की। पहले टेस्ट में नाबाद दोहरा शतक जमाने वाले धोनी ने पिछले दो साल में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया से मिली हार के बाद एक बार फिर मोर्चे से अगुवाई का बीड़ा बखूबी उठाया है। चेन्नई और हैदराबाद में शर्मनाक हार झेलने वाली ऑस्ट्रेलियाई टीम को एक और करारा झटका तब लगा जब उप-कप्तान शेन वाटसन समेत चार प्रमुख खिलाड़ी अनुशासनहीनता के कारण तीसरे टेस्ट से पहले टीम से बाहर कर दिए गए। ऑस्ट्रेलिया ने कई बार शृंखलाओं में भारत का सफाया किया है, लेकिन उसके खिलाफ भारत का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन अभी तक 1979-80 में मिली 2-0 से जीत रहा। उस दौरे पर किम ह्यूजेस की अगुवाई वाली ऑस्ट्रेलियाई टीम ने छह टेस्ट खेले थे। इस बार यदि भारत 3-0 से जीत हासिल कर लेता है तो यह रिकॉर्ड होगा। भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ किसी शृंखला में दो से अधिक टेस्ट नहीं जीते हैं। ऑस्ट्रेलिया ने पिछली बार अपनी मेजबानी में हुई शृंखला में भारत का 4-0 से सफाया किया था। मौजूदा सीरीज में ऑस्ट्रेलिया ने पहला टेस्ट आठ विकेट से गंवाया जबकि हैदराबाद में दूसरे टेस्ट में एक पारी और 135 रन से पराजय झेली। चार खिलाड़ियों वाटसन, तेज गेंदबाज जेम्स पेटिंसन, मिशेल जानसन और बल्लेबाज उस्मान ख्वाजा को बाहर करके ऑस्ट्रेलिया ने अपनी मुश्किलें और बढ़ा ली है। दूसरी ओर भारत के सामने समस्या स्टार बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा को अभ्यास के दौरान लगी चोट है। हैदराबाद में दूसरे टेस्ट में भारत की जीत के सूत्रधार रहे पुजारा को अभ्यास के दौरान बाएं घुटने में चोट लगी और वह दर्द से कराहते नजर आए। बाद में उनके घुटने पर पट्टी बांधी गई और वह आगे अभ्यास नहीं कर सके। वैसे संकेत मिले हैं कि वह अंतिम एकादश का हिस्सा होंगे। टीम से बाहर सलामी बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग को छोड़कर भारत पिछले दो मैच जीत चुकी अंतिम एकादश में कोई बदलाव नहीं करना चाहेगा। हरभजन सिंह की जगह हालांकि बाएं हाथ के स्पिनर प्रज्ञान ओझा को उतारा जा सकता है। सहवाग की गैर-मौजूदगी में शिखर धवन को मुरली विजय के साथ पारी की शुरुआत का मौका मिल सकता है। विजय ने पिछले टेस्ट में शतक जमाकर अपनी जगह सुरक्षित रखी। मध्यक्रम में पुजारा, विराट कोहली और सचिन तेंदुलकर कमान संभालेंगे।टिप्पणियां नेट पर तेंदुलकर ने स्पिनरों के सामने ही अभ्यास किया। हरभजन और ओझा ने उन्हें काफी गेंदबाजी की। कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने भी बल्लेबाजी का अभ्यास किया, जिन्हें ईशांत शर्मा और रविंद्र जडेजा ने गेंदबाजी की। पहले टेस्ट में नाबाद दोहरा शतक जमाने वाले धोनी ने पिछले दो साल में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया से मिली हार के बाद एक बार फिर मोर्चे से अगुवाई का बीड़ा बखूबी उठाया है। ऑस्ट्रेलिया ने कई बार शृंखलाओं में भारत का सफाया किया है, लेकिन उसके खिलाफ भारत का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन अभी तक 1979-80 में मिली 2-0 से जीत रहा। उस दौरे पर किम ह्यूजेस की अगुवाई वाली ऑस्ट्रेलियाई टीम ने छह टेस्ट खेले थे। इस बार यदि भारत 3-0 से जीत हासिल कर लेता है तो यह रिकॉर्ड होगा। भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ किसी शृंखला में दो से अधिक टेस्ट नहीं जीते हैं। ऑस्ट्रेलिया ने पिछली बार अपनी मेजबानी में हुई शृंखला में भारत का 4-0 से सफाया किया था। मौजूदा सीरीज में ऑस्ट्रेलिया ने पहला टेस्ट आठ विकेट से गंवाया जबकि हैदराबाद में दूसरे टेस्ट में एक पारी और 135 रन से पराजय झेली। चार खिलाड़ियों वाटसन, तेज गेंदबाज जेम्स पेटिंसन, मिशेल जानसन और बल्लेबाज उस्मान ख्वाजा को बाहर करके ऑस्ट्रेलिया ने अपनी मुश्किलें और बढ़ा ली है। दूसरी ओर भारत के सामने समस्या स्टार बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा को अभ्यास के दौरान लगी चोट है। हैदराबाद में दूसरे टेस्ट में भारत की जीत के सूत्रधार रहे पुजारा को अभ्यास के दौरान बाएं घुटने में चोट लगी और वह दर्द से कराहते नजर आए। बाद में उनके घुटने पर पट्टी बांधी गई और वह आगे अभ्यास नहीं कर सके। वैसे संकेत मिले हैं कि वह अंतिम एकादश का हिस्सा होंगे। टीम से बाहर सलामी बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग को छोड़कर भारत पिछले दो मैच जीत चुकी अंतिम एकादश में कोई बदलाव नहीं करना चाहेगा। हरभजन सिंह की जगह हालांकि बाएं हाथ के स्पिनर प्रज्ञान ओझा को उतारा जा सकता है। सहवाग की गैर-मौजूदगी में शिखर धवन को मुरली विजय के साथ पारी की शुरुआत का मौका मिल सकता है। विजय ने पिछले टेस्ट में शतक जमाकर अपनी जगह सुरक्षित रखी। मध्यक्रम में पुजारा, विराट कोहली और सचिन तेंदुलकर कमान संभालेंगे।टिप्पणियां नेट पर तेंदुलकर ने स्पिनरों के सामने ही अभ्यास किया। हरभजन और ओझा ने उन्हें काफी गेंदबाजी की। कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने भी बल्लेबाजी का अभ्यास किया, जिन्हें ईशांत शर्मा और रविंद्र जडेजा ने गेंदबाजी की। पहले टेस्ट में नाबाद दोहरा शतक जमाने वाले धोनी ने पिछले दो साल में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया से मिली हार के बाद एक बार फिर मोर्चे से अगुवाई का बीड़ा बखूबी उठाया है। मौजूदा सीरीज में ऑस्ट्रेलिया ने पहला टेस्ट आठ विकेट से गंवाया जबकि हैदराबाद में दूसरे टेस्ट में एक पारी और 135 रन से पराजय झेली। चार खिलाड़ियों वाटसन, तेज गेंदबाज जेम्स पेटिंसन, मिशेल जानसन और बल्लेबाज उस्मान ख्वाजा को बाहर करके ऑस्ट्रेलिया ने अपनी मुश्किलें और बढ़ा ली है। दूसरी ओर भारत के सामने समस्या स्टार बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा को अभ्यास के दौरान लगी चोट है। हैदराबाद में दूसरे टेस्ट में भारत की जीत के सूत्रधार रहे पुजारा को अभ्यास के दौरान बाएं घुटने में चोट लगी और वह दर्द से कराहते नजर आए। बाद में उनके घुटने पर पट्टी बांधी गई और वह आगे अभ्यास नहीं कर सके। वैसे संकेत मिले हैं कि वह अंतिम एकादश का हिस्सा होंगे। टीम से बाहर सलामी बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग को छोड़कर भारत पिछले दो मैच जीत चुकी अंतिम एकादश में कोई बदलाव नहीं करना चाहेगा। हरभजन सिंह की जगह हालांकि बाएं हाथ के स्पिनर प्रज्ञान ओझा को उतारा जा सकता है। सहवाग की गैर-मौजूदगी में शिखर धवन को मुरली विजय के साथ पारी की शुरुआत का मौका मिल सकता है। विजय ने पिछले टेस्ट में शतक जमाकर अपनी जगह सुरक्षित रखी। मध्यक्रम में पुजारा, विराट कोहली और सचिन तेंदुलकर कमान संभालेंगे।टिप्पणियां नेट पर तेंदुलकर ने स्पिनरों के सामने ही अभ्यास किया। हरभजन और ओझा ने उन्हें काफी गेंदबाजी की। कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने भी बल्लेबाजी का अभ्यास किया, जिन्हें ईशांत शर्मा और रविंद्र जडेजा ने गेंदबाजी की। पहले टेस्ट में नाबाद दोहरा शतक जमाने वाले धोनी ने पिछले दो साल में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया से मिली हार के बाद एक बार फिर मोर्चे से अगुवाई का बीड़ा बखूबी उठाया है। हैदराबाद में दूसरे टेस्ट में भारत की जीत के सूत्रधार रहे पुजारा को अभ्यास के दौरान बाएं घुटने में चोट लगी और वह दर्द से कराहते नजर आए। बाद में उनके घुटने पर पट्टी बांधी गई और वह आगे अभ्यास नहीं कर सके। वैसे संकेत मिले हैं कि वह अंतिम एकादश का हिस्सा होंगे। टीम से बाहर सलामी बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग को छोड़कर भारत पिछले दो मैच जीत चुकी अंतिम एकादश में कोई बदलाव नहीं करना चाहेगा। हरभजन सिंह की जगह हालांकि बाएं हाथ के स्पिनर प्रज्ञान ओझा को उतारा जा सकता है। सहवाग की गैर-मौजूदगी में शिखर धवन को मुरली विजय के साथ पारी की शुरुआत का मौका मिल सकता है। विजय ने पिछले टेस्ट में शतक जमाकर अपनी जगह सुरक्षित रखी। मध्यक्रम में पुजारा, विराट कोहली और सचिन तेंदुलकर कमान संभालेंगे।टिप्पणियां नेट पर तेंदुलकर ने स्पिनरों के सामने ही अभ्यास किया। हरभजन और ओझा ने उन्हें काफी गेंदबाजी की। कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने भी बल्लेबाजी का अभ्यास किया, जिन्हें ईशांत शर्मा और रविंद्र जडेजा ने गेंदबाजी की। पहले टेस्ट में नाबाद दोहरा शतक जमाने वाले धोनी ने पिछले दो साल में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया से मिली हार के बाद एक बार फिर मोर्चे से अगुवाई का बीड़ा बखूबी उठाया है। हरभजन सिंह की जगह हालांकि बाएं हाथ के स्पिनर प्रज्ञान ओझा को उतारा जा सकता है। सहवाग की गैर-मौजूदगी में शिखर धवन को मुरली विजय के साथ पारी की शुरुआत का मौका मिल सकता है। विजय ने पिछले टेस्ट में शतक जमाकर अपनी जगह सुरक्षित रखी। मध्यक्रम में पुजारा, विराट कोहली और सचिन तेंदुलकर कमान संभालेंगे।टिप्पणियां नेट पर तेंदुलकर ने स्पिनरों के सामने ही अभ्यास किया। हरभजन और ओझा ने उन्हें काफी गेंदबाजी की। कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने भी बल्लेबाजी का अभ्यास किया, जिन्हें ईशांत शर्मा और रविंद्र जडेजा ने गेंदबाजी की। पहले टेस्ट में नाबाद दोहरा शतक जमाने वाले धोनी ने पिछले दो साल में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया से मिली हार के बाद एक बार फिर मोर्चे से अगुवाई का बीड़ा बखूबी उठाया है। नेट पर तेंदुलकर ने स्पिनरों के सामने ही अभ्यास किया। हरभजन और ओझा ने उन्हें काफी गेंदबाजी की। कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने भी बल्लेबाजी का अभ्यास किया, जिन्हें ईशांत शर्मा और रविंद्र जडेजा ने गेंदबाजी की। पहले टेस्ट में नाबाद दोहरा शतक जमाने वाले धोनी ने पिछले दो साल में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया से मिली हार के बाद एक बार फिर मोर्चे से अगुवाई का बीड़ा बखूबी उठाया है। पहले टेस्ट में नाबाद दोहरा शतक जमाने वाले धोनी ने पिछले दो साल में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया से मिली हार के बाद एक बार फिर मोर्चे से अगुवाई का बीड़ा बखूबी उठाया है।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: इस बार यदि भारत 3-0 से जीत हासिल कर लेता है तो यह रिकॉर्ड होगा। भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ किसी शृंखला में दो से अधिक टेस्ट नहीं जीते हैं।
11
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: दक्षिण चीन सागर के कुछ हिस्सों को बीजिंग बंद करने जा रहा है। अपने सैन्य अभ्यास के चलते वह ऐसा करने जा रहा है। सोमवार को अधिकारियों ने यह जानकारी दी। संयुक्त राष्ट्र समर्थित न्यायाधिकरण ने हाल ही में यह फैसला दिया कि दक्षिण चीन सागर में द्वीपों पर ‘ऐतिहासिक अधिकार’ का दावा करने का चीन का कोई कानूनी आधार नहीं है। इस फैसले को चीन ने मानने से इंकार कर दिया था। चीन अपने हैनन प्रांत के हिस्से पर मंगलवार से लेकर गुरुवार तक सैन्य अभ्यास करवाएगा। चीन के मैरीटाइम एडमिनिस्ट्रेशन ने अपनी वेबसाइट के जरिए यह बात कही। साथ ही यह भी कहा कि इसमें प्रवेश प्रतिबंधित था। यह एरिया पारसल (Paracel) आइलैंड्स से कुछ दूरी पर स्थित है, बल्कि यह स्प्रैट्लिस (Spratlys)से भी कुछ दूरी पर जाकर है। इन दोनों ही चेन पर बीजिंग और कुछ अन्य पड़ोसी देशों का दावा किया जाता रहा है। दक्षिण चीन सागर में क्षेत्रीय दावे को लेकर चल रहे गतिरोध में चीन के खिलाफ फैसला देते हुए परमानेन्ट कोर्ट ऑफ आर्ब्रिटेशन ने ‘फैसला दिया कि ‘नाईन डैशन लाइन’ के तहत आने वाले समुद्री क्षेत्र पर ऐतिहासिक अधिकार जताने का चीन का कोई कानूनी अधिकार नहीं है।’ चीन ने कहा कि ‘वह फैसले को स्वीकार नहीं करता और इसे मान्यता नहीं देता’ और फैसले को ‘अमान्य’ करार दिया था। बीजिंग के खिलाफ यह मामला मनीला ने दायर किया था और उसने न्यायाधिकरण के इस फैसले का स्वागत किया। टिप्पणियां चीन अपने दक्षिण पूर्व एशियाई पड़ोसी देशों के दावे के विपरीत सामरिक रूप से महत्वपूर्ण लगभग सभी जल क्षेत्र पर अपना अधिकार जताता है। फिलीपीन ने 2013 में बीजिंग के खिलाफ याचिका देते हुए कहा था कि 17 वर्ष तक चर्चा के बाद सभी राजनीतिक और कूटनीतिक मार्ग बंद हो गए हैं। चीन ने ASEAN के दक्षिण पूर्वी एशियन राष्ट्रों पर दबाव बनाया कि वह इस फैसले कोई संयुक्त स्टेटमेंट जारी न करें। यह कूदनीतिज्ञों द्वारा कहा गया। चीनी मीडिया के मुताबिक, बीजिंग ने साउथ चाइना सी में अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थता अदालत के फैसले से कुछ दिन पहले ही सैन्य अभ्यास शुरू कर दिया है। अपनी वेबसाइट में एक अन्य जगह यह भी मैरीटाइम एडमिन ने कहा कि पिछले हफ्ते आइलैंड्स और चट्टानों पर बनाए गए पांच में से चार लाइटहाउस एक्टिवेट कर दिए गए हैं। पांचवे को भी जल्द ही प्रयोग में ले लिया जाएगा। यह एरिया पारसल (Paracel) आइलैंड्स से कुछ दूरी पर स्थित है, बल्कि यह स्प्रैट्लिस (Spratlys)से भी कुछ दूरी पर जाकर है। इन दोनों ही चेन पर बीजिंग और कुछ अन्य पड़ोसी देशों का दावा किया जाता रहा है। दक्षिण चीन सागर में क्षेत्रीय दावे को लेकर चल रहे गतिरोध में चीन के खिलाफ फैसला देते हुए परमानेन्ट कोर्ट ऑफ आर्ब्रिटेशन ने ‘फैसला दिया कि ‘नाईन डैशन लाइन’ के तहत आने वाले समुद्री क्षेत्र पर ऐतिहासिक अधिकार जताने का चीन का कोई कानूनी अधिकार नहीं है।’ चीन ने कहा कि ‘वह फैसले को स्वीकार नहीं करता और इसे मान्यता नहीं देता’ और फैसले को ‘अमान्य’ करार दिया था। बीजिंग के खिलाफ यह मामला मनीला ने दायर किया था और उसने न्यायाधिकरण के इस फैसले का स्वागत किया। टिप्पणियां चीन अपने दक्षिण पूर्व एशियाई पड़ोसी देशों के दावे के विपरीत सामरिक रूप से महत्वपूर्ण लगभग सभी जल क्षेत्र पर अपना अधिकार जताता है। फिलीपीन ने 2013 में बीजिंग के खिलाफ याचिका देते हुए कहा था कि 17 वर्ष तक चर्चा के बाद सभी राजनीतिक और कूटनीतिक मार्ग बंद हो गए हैं। चीन ने ASEAN के दक्षिण पूर्वी एशियन राष्ट्रों पर दबाव बनाया कि वह इस फैसले कोई संयुक्त स्टेटमेंट जारी न करें। यह कूदनीतिज्ञों द्वारा कहा गया। चीनी मीडिया के मुताबिक, बीजिंग ने साउथ चाइना सी में अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थता अदालत के फैसले से कुछ दिन पहले ही सैन्य अभ्यास शुरू कर दिया है। अपनी वेबसाइट में एक अन्य जगह यह भी मैरीटाइम एडमिन ने कहा कि पिछले हफ्ते आइलैंड्स और चट्टानों पर बनाए गए पांच में से चार लाइटहाउस एक्टिवेट कर दिए गए हैं। पांचवे को भी जल्द ही प्रयोग में ले लिया जाएगा। दक्षिण चीन सागर में क्षेत्रीय दावे को लेकर चल रहे गतिरोध में चीन के खिलाफ फैसला देते हुए परमानेन्ट कोर्ट ऑफ आर्ब्रिटेशन ने ‘फैसला दिया कि ‘नाईन डैशन लाइन’ के तहत आने वाले समुद्री क्षेत्र पर ऐतिहासिक अधिकार जताने का चीन का कोई कानूनी अधिकार नहीं है।’ चीन ने कहा कि ‘वह फैसले को स्वीकार नहीं करता और इसे मान्यता नहीं देता’ और फैसले को ‘अमान्य’ करार दिया था। बीजिंग के खिलाफ यह मामला मनीला ने दायर किया था और उसने न्यायाधिकरण के इस फैसले का स्वागत किया। टिप्पणियां चीन अपने दक्षिण पूर्व एशियाई पड़ोसी देशों के दावे के विपरीत सामरिक रूप से महत्वपूर्ण लगभग सभी जल क्षेत्र पर अपना अधिकार जताता है। फिलीपीन ने 2013 में बीजिंग के खिलाफ याचिका देते हुए कहा था कि 17 वर्ष तक चर्चा के बाद सभी राजनीतिक और कूटनीतिक मार्ग बंद हो गए हैं। चीन ने ASEAN के दक्षिण पूर्वी एशियन राष्ट्रों पर दबाव बनाया कि वह इस फैसले कोई संयुक्त स्टेटमेंट जारी न करें। यह कूदनीतिज्ञों द्वारा कहा गया। चीनी मीडिया के मुताबिक, बीजिंग ने साउथ चाइना सी में अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थता अदालत के फैसले से कुछ दिन पहले ही सैन्य अभ्यास शुरू कर दिया है। अपनी वेबसाइट में एक अन्य जगह यह भी मैरीटाइम एडमिन ने कहा कि पिछले हफ्ते आइलैंड्स और चट्टानों पर बनाए गए पांच में से चार लाइटहाउस एक्टिवेट कर दिए गए हैं। पांचवे को भी जल्द ही प्रयोग में ले लिया जाएगा। चीन अपने दक्षिण पूर्व एशियाई पड़ोसी देशों के दावे के विपरीत सामरिक रूप से महत्वपूर्ण लगभग सभी जल क्षेत्र पर अपना अधिकार जताता है। फिलीपीन ने 2013 में बीजिंग के खिलाफ याचिका देते हुए कहा था कि 17 वर्ष तक चर्चा के बाद सभी राजनीतिक और कूटनीतिक मार्ग बंद हो गए हैं। चीन ने ASEAN के दक्षिण पूर्वी एशियन राष्ट्रों पर दबाव बनाया कि वह इस फैसले कोई संयुक्त स्टेटमेंट जारी न करें। यह कूदनीतिज्ञों द्वारा कहा गया। चीनी मीडिया के मुताबिक, बीजिंग ने साउथ चाइना सी में अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थता अदालत के फैसले से कुछ दिन पहले ही सैन्य अभ्यास शुरू कर दिया है। अपनी वेबसाइट में एक अन्य जगह यह भी मैरीटाइम एडमिन ने कहा कि पिछले हफ्ते आइलैंड्स और चट्टानों पर बनाए गए पांच में से चार लाइटहाउस एक्टिवेट कर दिए गए हैं। पांचवे को भी जल्द ही प्रयोग में ले लिया जाएगा। चीन ने ASEAN के दक्षिण पूर्वी एशियन राष्ट्रों पर दबाव बनाया कि वह इस फैसले कोई संयुक्त स्टेटमेंट जारी न करें। यह कूदनीतिज्ञों द्वारा कहा गया। चीनी मीडिया के मुताबिक, बीजिंग ने साउथ चाइना सी में अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थता अदालत के फैसले से कुछ दिन पहले ही सैन्य अभ्यास शुरू कर दिया है। अपनी वेबसाइट में एक अन्य जगह यह भी मैरीटाइम एडमिन ने कहा कि पिछले हफ्ते आइलैंड्स और चट्टानों पर बनाए गए पांच में से चार लाइटहाउस एक्टिवेट कर दिए गए हैं। पांचवे को भी जल्द ही प्रयोग में ले लिया जाएगा।
यहाँ एक सारांश है:संयुक्त राष्ट्र पंचाट का फैसला था कि सा. चीन सागर पर चीन का एकाधिकार नहीं लेकिन चीन ने इस फैसले को मानने से इंकार कर दिया था अपने सैन्य अभ्यास के लिए चीन अब इसके कुछ हिस्सों को बंद कर रहा
12
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: मध्य प्रदेश के मंदसौर (Mandsaur Murder) में गुरुवार शाम बीजेपी नेता प्रहलाद बंधवार (Prahlad Bandhwar) की हत्या मामले में पुलिस ने आरोपी की पहचान कर ली है. पुलिस के अनुसार आरोपी की पहचान मनीष बैरागी के रूप में हुई है. पुलिस की शुरुआती जांच में पता चला है कि आरोपी मनीष प्रहलाद बंधवार (Prahlad Bandhwar) से एक सरकारी जमीन का पट्टा अपने नाम कराना चाहता था. इसी बात को लेकर दोनों के बीच आपसी कहासुनी हुई थी. इसके बाद मनीष ने बीजेपी नेती (Prahlad Bandhwar) को गोली मार दी थी. हालांकि आरोपी अभी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है. मामले की गंभीरता को देखते हुए मध्य प्रदेश के गृहमंत्री बाला बच्चन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस से अगले दो दिन में आरोपी को गिरफ्तार करने की बात कही. उन्होंने कहा कि इंदौर और मंदसौर मामले (Mandsaur Murder) को लेकर मेरी बात डीआईजी से हुई है. मैनें उन्हें आरोपियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने की बात कही है. वहीं, बीजेपी मंदसौर मामले को लेकर कांग्रेस सरकार की लाचार कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रही है. राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इस हत्या को लेकर मुख्यमंत्री कमलनाथ को पत्र लिखकर प्रहलाद बंदवार की हत्या को लेकर उच्च स्तरीय जांच की मांग की है. शिवराज सिंह चौहान ने इंदौर में बिल्डर संदीप अग्रवाल की हत्या मामले में भी कड़ी कार्रवाई की मांग की है. पीड़ित परिजनों से मिलने के लिए शिवराज सिंह चौहान और राकेश सिंह मंदसौर जाएंगे . इन सब के बीच मंदसौर हत्या को लेकर सियासत भी तेज हो गई है. कांग्रेस आरोपी मनीष को बीजेपी का कार्यकर्ता बता रही है. गौरतलब है कि मंदसौर में गुरुवार शाम बीजेपी के नेता मंदसौर नगर पालिका (Mandsaur Municipal Corporation) के अध्यक्ष प्रहलाद बंधवार (Prahlad Bandhwar) की हत्या कर दी गई थी. प्रहलाद बंधवार को अज्ञात मोटरसाइकिल सवार ने सर में गोली मारी, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया. जहां उनकी मौत हो गई थी. बता दें कि मोटर साइकिल सवार गोली मारने के बाद अपनी मोटरसाइकिल घटनास्थल पर ही छोड़कर पैदल भाग खड़ा हुआ. मामले की जानकारी मिलने के बाद मंदसौर में सनसनी फैल गई थी. पुलिस प्राथमिक तौर पर जमीन विवाद के चलते हुई घटना बता रही है.
संक्षिप्त सारांश: गुरुवार को हुई थी बीजेपी नेता की हत्या शिवराज सिंह चौहान ने सीएम कमलनाथ को लिखा पत्र कांग्रेस ने आरोपी को बताया बीजेपी का कार्यकर्ता
0
['hin']
एक सारांश बनाओ: पवन सिंह (Pawan Singh) की फिल्म 'क्रैक फाइटर' (Crack Fighter) का ट्रेलर होली के मौके पर जमकर धमाल मचा रहा है. इस फिल्म का ट्रेलर काफी वायरल हो रहा है. उपेन्द्र सिंह फिल्म्स क्रिएशन्स के बैनर तले निर्मित की गई. इस फिल्म का पोस्टर भी काफी वायरल हुआ था.  यह फिल्म होली पर बिहार, झारखंड में रेणू विजय फिल्म्स एंटरटेनमेंट वितरक कम्पनी द्वारा रिलीज की जा रही है तथा मुंबई, गुजरात में बालाजी सिनेविज़न प्रा.लि. फिल्म वितरक कम्पनी द्वारा रिलीज किया जा रहा है. इस फिल्म में पवन सिंह (Pawan Singh) का किरदार अब तक आई उनकी सभी फिल्मों से काफी अलग एवं सरप्राइज पैक्ड है.      'क्रैक फाइटर' (Crack Fighter) में पवन सिंह (Pawan Singh) का हैरतअंगेज कारनामा दर्शकों के बीच खूब धमाल मचाने वाला है. फिल्म के निर्माता उपेन्द्र सिंह ने भोजपुरी सिनेमा (Bhojpuri Cinema) को बड़ा कैनवास देने हेतु 'क्रैक फाइटर' का निर्माण करके मिसाल कायम की है. कुशल निर्देशक सुजीत कुमार सिंह ने उच्चतम तकनिकी के साथ सेल्युलाईट पर उतारने का कार्य किया है. उन्होंने इस फिल्म में सबसे ज्यादा एक्सपेरिमेंट किया है, जोकि दर्शकों काफी रोमांचक करने वाला होगा. फिल्म की शूटिंग बेहतरीन तकनीक के साथ की गई है.  गौरतलब है कि पवन सिंह (Pawan Singh) की फिल्म 'क्रैक फाइटर' (Crack Fighter) के निर्माता उपेन्द्र सिंह हैं और निर्देशक सुजीत कुमार सिंह हैं. कार्यकारी निर्माता लोकेश मिश्रा हैं.  वीरू ठाकुर ने फिल्म की उम्दा कथा, पटकथा व संवाद लिखा है . गीतकार सुमित सिंह चन्द्रवंशी, विनय निर्मल, आर आर पंकज, जाहिद अख्तर के लिखे गीतों को मधुर संगीत से सजाया है संगीतकार छोटे बाबा बसही ने. प्रोडक्शन डिज़ाइनर अरशद शेख पप्पू हैं. छायांकन वेंकट महेश, नृत्य कानू मुखर्जी, संजय कोर्वे, मारधाड़ एस. मल्लेश, संकलन दीपक जऊल का है. फिल्म प्रचारक सोनू निगम हैं. मुख्य भूमिका में पवन सिंह, निधि झा, संचिता बनर्जी, चांदनी सिंह, प्रदीप रावत, ब्रजेश त्रिपाठी, उमेश सिंह, जय सिंह, अभिषेक पाण्डेय गोलू, बालगोविंद बंजारा, अमित शुक्ला, धामा वर्मा, लोटा तिवारी, संजय वर्मा, दिव्या शर्मा, सिद्धार्थ सेंगर, श्रद्धा नवल, शिवा राजपूत, निक्की सिंह, बेबी तनिष्का सिंह, मास्टर साहिल सिंह आदि हैं.
पवन सिंह ने मचाया कोहराम उनका फिल्म 'क्रैक फाइटर' का ट्रेलर ने किया धमाका वायरल हुआ पवन सिंह का वीडियो
26
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: श्रीलंकाई मूल की अभिनेत्री जैकलिन फर्नांडिस ने कहा है कि इस वर्ष उन्होंने माया नगरी को अलविदा कहने का मन बना लिया था, लेकिन कुछ अच्छी फिल्मों और उज्ज्वल भविष्य की आस ने उन्हें ऐसा करने से रोक दिया।एक कार्यक्रम के दौरान जैकलिन ने कहा, "2011 मेरे लिए बिल्कुल अनापेक्षित रहा। मैंने माया नगरी छोड़ने का मन बना लिया था, लेकिन अचानक हालात मेरे पक्ष में होने लगे। यही कारण है कि मैंने यह इरादा त्याग दिया।" जैकलिन ने 2009 में फिल्म 'अलादीन' के माध्यम से बॉलीवुड में कदम रखा था। इसके बाद उन्होंने 'जाने कहां से आई है' में काम किया। दोनों फिल्में बुरी तरह फ्लॉप रही थीं। इसके बाद जैकलिन ने 'मर्डर-2' में काम किया, लेकिन उन्हें सबसे अधिक शोहरत फिल्म 'हाउसफुल' के आइटम नम्बर- 'धन्नो' से मिली। अब जैकलिन फिल्म नगरी छोड़ने का इरादा त्याग चुकी हैं और नए वर्ष पर अच्छे अवसरों की तलाश में हैं। जैकलिन ने कहा, "नया साल मेरे लिए बहुत महत्वपूर्ण है। नए वर्ष में मेरी कुछ बहुत अहम फिल्में रिलीज होंगी। इस वर्ष मेरी तीन फिल्में आने वाली हैं। नया साल मेरे लिए बहुत रोचक होगा क्योंकि मैंने अब फिल्मों में पूरी तरह तन्मयता से काम करना शुरू कर दिया है।" अगले साल जैकलिन की तीन फिल्में-'हाउसफुल-2', 'रेस-3' और 'राज थ्रीडी' रिलीज होने वाली हैं।
यह एक सारांश है: जैकलिन ने कहा, 2011 मेरे लिए बिल्कुल अनापेक्षित रहा। मैंने माया नगरी छोड़ने का मन बना लिया था, लेकिन अचानक हालात मेरे पक्ष में होने लगे।
24
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: यह राशिद खान कौन है.... आईपीएल के सीजन 10 की नीलामी में जब अफगानिस्‍तान के इस क्रिकेटर को चार करोड़ रुपये की ऊंची कीमत पर खरीदा गया तो यह सवाल सबकी जुबान पर थी. राशिद पर सनराइजर्स हैदराबाद की टीम ने 4 करोड़ रुपये का दांव लगाया है. खास बात यह है कि अफगानिस्‍तानी क्रिकेटरों को पहली बार आईपीएल की बोली में स्‍थान मिला है. ऐसे में जब इस क्रिकेटर ने आईपीएल की नीलामी में सुर्खियां बटोरीं तो हर किसी का ध्‍यान उन पर था. महज 18 साल के राशिद ने अपने क्रिकेट कौशल से हर किसी को प्रभावित किया है. वे दाएं हाथ के लेग ब्रेक बॉलर और बैट्समैन हैं. 20 सितंबर 1998 को जन्‍मे राशिद अफगानिस्‍तान की अंडर-19 के अलावा सीनियर टीम का भी प्रतिनिधित्‍व कर चुके हैं. अफगानिस्‍तान की टीम का सदस्‍य होने के कारण राशिद का प्रदर्शन ज्‍यादातर लोगों की नजर में नहीं आ पाता, लेकिन अपने खेल से उन्‍होंने बेहद कम समय में कई क्रिकेट जानकारों को प्रशंसक बनाया है. राशिद ने अब तक 18 वनडे और 21 टी20 मैचों में अफगानिस्‍तान का प्रतिनिधित्‍व किया है. वनडे में उन्‍होंने 22.00 के औसत से 286 रन( सर्वोच्‍च स्‍कोर 60*) बनाने के अलावा 19.58 के औसत से 31 विकेट भी लिए हैं. इस दौरान 21 रन देकर चार विकेट उनका सर्वश्रेष्‍ठ प्रदर्शन रहा है.  21 टी20 मैचों में राशिद ने 16.06 के औसत से वनडे के बराबर ही 31 विकेट लिए हैं. 11 रन देकर तीन विकेट इस फॉर्मेट में उनका सर्वश्रेष्‍ठ प्रदर्शन है. टी20 मैचों की छह पारियों में से चार में नाबाद रहते हुए उन्‍होंने 31.50 के औसत से 63 रन बनाए हैं. खास बात यह है कि वनडे में उनका बैटिंग स्‍ट्राइक रेट 100 और टी20 में 157.50 का है.अफगानिस्‍तान के एक अन्‍य क्रिकेटर मो. नबी को भी सनराइजर्स की टीम ने ही 30 लाख रुपये में खरीदा है. महज 18 साल के राशिद ने अपने क्रिकेट कौशल से हर किसी को प्रभावित किया है. वे दाएं हाथ के लेग ब्रेक बॉलर और बैट्समैन हैं. 20 सितंबर 1998 को जन्‍मे राशिद अफगानिस्‍तान की अंडर-19 के अलावा सीनियर टीम का भी प्रतिनिधित्‍व कर चुके हैं. अफगानिस्‍तान की टीम का सदस्‍य होने के कारण राशिद का प्रदर्शन ज्‍यादातर लोगों की नजर में नहीं आ पाता, लेकिन अपने खेल से उन्‍होंने बेहद कम समय में कई क्रिकेट जानकारों को प्रशंसक बनाया है. राशिद ने अब तक 18 वनडे और 21 टी20 मैचों में अफगानिस्‍तान का प्रतिनिधित्‍व किया है. वनडे में उन्‍होंने 22.00 के औसत से 286 रन( सर्वोच्‍च स्‍कोर 60*) बनाने के अलावा 19.58 के औसत से 31 विकेट भी लिए हैं. इस दौरान 21 रन देकर चार विकेट उनका सर्वश्रेष्‍ठ प्रदर्शन रहा है.  21 टी20 मैचों में राशिद ने 16.06 के औसत से वनडे के बराबर ही 31 विकेट लिए हैं. 11 रन देकर तीन विकेट इस फॉर्मेट में उनका सर्वश्रेष्‍ठ प्रदर्शन है. टी20 मैचों की छह पारियों में से चार में नाबाद रहते हुए उन्‍होंने 31.50 के औसत से 63 रन बनाए हैं. खास बात यह है कि वनडे में उनका बैटिंग स्‍ट्राइक रेट 100 और टी20 में 157.50 का है.अफगानिस्‍तान के एक अन्‍य क्रिकेटर मो. नबी को भी सनराइजर्स की टीम ने ही 30 लाख रुपये में खरीदा है.
यह एक सारांश है: बोली में पहली बार शामिल किए गए हैं अफगान क्रिकेटर अफगानिस्‍तान की ओर से 18 वनडे 21 टी20 खेल चुके हैं वनडे और टी20, दोनों में ही 31-31 विकेट ले चुके हैं
2
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: केरल के सीआरपीएफ के 400 जवान फूड प्वाइजनिंग के शिकार हो गए हैं. पल्लीपुरम स्थित सीआरपीएफ कैंप में भोजन करने के बाद जवानों की तबियत बिगड़ी थी. आनन-फानन में सभी जवानों को विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया. ज्यादा गंभीर हालत वाले 109 जवानों को त्रिवेन्द्रम मेडिकल कॉलेज अस्पताल में निगरानी में रखा गया है. बताया जा रहा है कि जैसे ही जवानों ने मछली खाया उन्हें उल्टी और दस्त होने लगी. जिन जवानों की हालत खराब थी उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया और बाकियों को  मामूली दवा देकर घर भेज दिया गया. रविवार सुबह तक 130 जवानों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई. करीब 30 से 35 जवानों की हालत अब भी बिगड़ी हुई है. ये सारे जवान सीआरपीएफ में नई भर्ती हुए हैं और इनकी ट्रेनिंग यहां ग्रुप सेंटर में चल रही है. सीआरपीएफ ने इस पूरे मामले के जांच के आदेश दे दिए हैं. सीआरपीएफ के सूत्रों का कहना है कि हो सकता है गर्मी की वजह से जवान फूड प्वाजनिंग के शिकार हुए हैं. राज्य के स्वास्थ्य मंत्री केके शैलजा ने अस्पताल जा कर जवानों का हालचाल पूछा है. मालूम हो कि इसी साल मार्च में राजस्थान के बाड़मेर के गढरा इलाके में सरहद पर तैनात तीन दर्जन के करीब जवानों को बाड़मेर अस्पताल में भर्ती करवाया गया था. फूड पोइजनिंग की वजह से जवानों की तबीयत बिगडने से उन्हें सीमा सुरक्षा बल के अधिकारी ने राजकीय अस्पताल में भर्ती करवाया गया था. एक साथ तीन दर्जन के करीब जवानों को उल्टी और पेटदर्द की शिकायत होने पर उन्हें अस्पताल में भर्ती करवाया गया था. सभी जवान सीमावर्ती गढरा और पादरिया में तैनात थे. मालूम हो कि इसी साल मार्च में राजस्थान के बाड़मेर के गढरा इलाके में सरहद पर तैनात तीन दर्जन के करीब जवानों को बाड़मेर अस्पताल में भर्ती करवाया गया था. फूड पोइजनिंग की वजह से जवानों की तबीयत बिगडने से उन्हें सीमा सुरक्षा बल के अधिकारी ने राजकीय अस्पताल में भर्ती करवाया गया था. एक साथ तीन दर्जन के करीब जवानों को उल्टी और पेटदर्द की शिकायत होने पर उन्हें अस्पताल में भर्ती करवाया गया था. सभी जवान सीमावर्ती गढरा और पादरिया में तैनात थे.
यह एक सारांश है: शनिवार देर शाम खाना खाने के बाद जवानों की बिगड़ी तबियत सीआरपीएफ में हाल ही में भर्ती हुए हैं ये जवान पल्लीपुरम कैंप में ट्रेनिंग कर रहे हैं फूड प्वाइजनिंग के शिकार जवान
16
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: मशहूर पटकथा लेखक सलीम खान का कहना है कि बॉलीवुड में भाषा, धर्म, जाति और संप्रदाय के आधार पर भेदभाव करने के लिए कोई जगह नहीं है. लोकप्रिय अभिनेता सलमान खान के पिता ने बुधवार को ट्वीट किया, 'फिल्म उद्योग बंटा हुआ है? बिल्कुल नहीं. फिल्म उद्योग एक ऐसी जगह है जहां भाषा, धर्म, जाति और संप्रदाय के आधार पर भेदभाव करने के लिए कोई जगह नहीं है'. सलीम खान (80) का मानना है कि इस उद्योग में प्रतिभा और क्षमता महत्व रखती है और यह दादा साहेब फाल्के के समय से लेकर अब तक सच है. सलीम ने इस बात को भी साझा किया कि बॉलीवुड की कुछ हस्तियां निजी लाभ के लिए राजनीतिक दलों के साथ जुड़ती हैं. उन्होंने कहा कि अगर उनकी फिल्म सफल होती हैं तो वह खुश होते हैं और अगर उनके प्रतिद्वंद्वी की फिल्म असफल होती हैं तो भी वह खुश होते हैं और वह हमेशा खुश रहते हैं. सलीम की यह टिप्पणी कुछ समूहों द्वारा करन जौहर की आगामी फिल्म 'ऐ दिल है मुश्किल' को निशाना बनाए जाने के बाद आई है. फिल्म में पाकिस्तानी कलाकार फवाद खान के काम करने के कारण महाराष्ट्र नव निर्माण सेना और कुछ समूहों द्वारा फिल्म को रिलीज नहीं होने देने की धमकी दी गई है. टिप्पणियां गौरतलब है कि जम्मू एवं कश्मीर के उड़ी में 18 सितंबर को हुए आतंकवादी हमले में 19 भारतीय जवान शहीद हो गए थे. भारत ने इस हमले के लिए पाकिस्तान पर आरोप लगाया है. इसके बाद से भारत और पाकिस्तान के संबंध और खराब हो गए हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) लोकप्रिय अभिनेता सलमान खान के पिता ने बुधवार को ट्वीट किया, 'फिल्म उद्योग बंटा हुआ है? बिल्कुल नहीं. फिल्म उद्योग एक ऐसी जगह है जहां भाषा, धर्म, जाति और संप्रदाय के आधार पर भेदभाव करने के लिए कोई जगह नहीं है'. सलीम खान (80) का मानना है कि इस उद्योग में प्रतिभा और क्षमता महत्व रखती है और यह दादा साहेब फाल्के के समय से लेकर अब तक सच है. सलीम ने इस बात को भी साझा किया कि बॉलीवुड की कुछ हस्तियां निजी लाभ के लिए राजनीतिक दलों के साथ जुड़ती हैं. उन्होंने कहा कि अगर उनकी फिल्म सफल होती हैं तो वह खुश होते हैं और अगर उनके प्रतिद्वंद्वी की फिल्म असफल होती हैं तो भी वह खुश होते हैं और वह हमेशा खुश रहते हैं. सलीम की यह टिप्पणी कुछ समूहों द्वारा करन जौहर की आगामी फिल्म 'ऐ दिल है मुश्किल' को निशाना बनाए जाने के बाद आई है. फिल्म में पाकिस्तानी कलाकार फवाद खान के काम करने के कारण महाराष्ट्र नव निर्माण सेना और कुछ समूहों द्वारा फिल्म को रिलीज नहीं होने देने की धमकी दी गई है. टिप्पणियां गौरतलब है कि जम्मू एवं कश्मीर के उड़ी में 18 सितंबर को हुए आतंकवादी हमले में 19 भारतीय जवान शहीद हो गए थे. भारत ने इस हमले के लिए पाकिस्तान पर आरोप लगाया है. इसके बाद से भारत और पाकिस्तान के संबंध और खराब हो गए हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) सलीम खान (80) का मानना है कि इस उद्योग में प्रतिभा और क्षमता महत्व रखती है और यह दादा साहेब फाल्के के समय से लेकर अब तक सच है. सलीम ने इस बात को भी साझा किया कि बॉलीवुड की कुछ हस्तियां निजी लाभ के लिए राजनीतिक दलों के साथ जुड़ती हैं. उन्होंने कहा कि अगर उनकी फिल्म सफल होती हैं तो वह खुश होते हैं और अगर उनके प्रतिद्वंद्वी की फिल्म असफल होती हैं तो भी वह खुश होते हैं और वह हमेशा खुश रहते हैं. सलीम की यह टिप्पणी कुछ समूहों द्वारा करन जौहर की आगामी फिल्म 'ऐ दिल है मुश्किल' को निशाना बनाए जाने के बाद आई है. फिल्म में पाकिस्तानी कलाकार फवाद खान के काम करने के कारण महाराष्ट्र नव निर्माण सेना और कुछ समूहों द्वारा फिल्म को रिलीज नहीं होने देने की धमकी दी गई है. टिप्पणियां गौरतलब है कि जम्मू एवं कश्मीर के उड़ी में 18 सितंबर को हुए आतंकवादी हमले में 19 भारतीय जवान शहीद हो गए थे. भारत ने इस हमले के लिए पाकिस्तान पर आरोप लगाया है. इसके बाद से भारत और पाकिस्तान के संबंध और खराब हो गए हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) सलीम ने इस बात को भी साझा किया कि बॉलीवुड की कुछ हस्तियां निजी लाभ के लिए राजनीतिक दलों के साथ जुड़ती हैं. उन्होंने कहा कि अगर उनकी फिल्म सफल होती हैं तो वह खुश होते हैं और अगर उनके प्रतिद्वंद्वी की फिल्म असफल होती हैं तो भी वह खुश होते हैं और वह हमेशा खुश रहते हैं. सलीम की यह टिप्पणी कुछ समूहों द्वारा करन जौहर की आगामी फिल्म 'ऐ दिल है मुश्किल' को निशाना बनाए जाने के बाद आई है. फिल्म में पाकिस्तानी कलाकार फवाद खान के काम करने के कारण महाराष्ट्र नव निर्माण सेना और कुछ समूहों द्वारा फिल्म को रिलीज नहीं होने देने की धमकी दी गई है. टिप्पणियां गौरतलब है कि जम्मू एवं कश्मीर के उड़ी में 18 सितंबर को हुए आतंकवादी हमले में 19 भारतीय जवान शहीद हो गए थे. भारत ने इस हमले के लिए पाकिस्तान पर आरोप लगाया है. इसके बाद से भारत और पाकिस्तान के संबंध और खराब हो गए हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) सलीम की यह टिप्पणी कुछ समूहों द्वारा करन जौहर की आगामी फिल्म 'ऐ दिल है मुश्किल' को निशाना बनाए जाने के बाद आई है. फिल्म में पाकिस्तानी कलाकार फवाद खान के काम करने के कारण महाराष्ट्र नव निर्माण सेना और कुछ समूहों द्वारा फिल्म को रिलीज नहीं होने देने की धमकी दी गई है. टिप्पणियां गौरतलब है कि जम्मू एवं कश्मीर के उड़ी में 18 सितंबर को हुए आतंकवादी हमले में 19 भारतीय जवान शहीद हो गए थे. भारत ने इस हमले के लिए पाकिस्तान पर आरोप लगाया है. इसके बाद से भारत और पाकिस्तान के संबंध और खराब हो गए हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) गौरतलब है कि जम्मू एवं कश्मीर के उड़ी में 18 सितंबर को हुए आतंकवादी हमले में 19 भारतीय जवान शहीद हो गए थे. भारत ने इस हमले के लिए पाकिस्तान पर आरोप लगाया है. इसके बाद से भारत और पाकिस्तान के संबंध और खराब हो गए हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
संक्षिप्त पाठ: फिल्म उद्योग बंटा हुआ है? बिल्कुल नहीं : सलीम खान भाषा, धर्म, जाति, संप्रदाय के आधार पर भेदभाव के लिए कोई जगह नहीं : सलीम सलीम खान ने कहा, इस उद्योग में प्रतिभा और क्षमता महत्व रखती है
22
['hin']
एक सारांश बनाओ: सीरिया में लोकतंत्र के समर्थन में प्रदर्शनों का सिलसिला तेज होने के बीच सुरक्षाबलों की गोलीबारी में एक बालक सहित कम से कम 27 लोग मारे गए। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि होम्स नगर में एक बालक और 10 अन्य लोग मारे गए। मारेत अल-नामान शहर में भी 10 लोगों के मारे जाने की खबरें हैं। प्रदर्शनकारियों के केंद्र दारा शहर के पास एक अन्य घटना में दो और लोगों की मौत हो गई। उल्लेखनीय है कि सीरिया में 15 मार्च से प्रदर्शन हो रहे हैं। देश के अन्य हिस्सों से भी प्रदर्शन होने की खबरें हैं। उन्होंने बताया कि तटीय शहर बनियास में भी प्रदर्शन हुए, जहां सुरक्षा बलों ने प्रदर्शनकारियों को तितर- बितर करने के लिए गोलीबारी की। दमिश्क में एक मस्जिद के बाहर प्रदर्शन हुआ, लेकिन सुरक्षाबलों ने लोगों को तुरंत ही तितर-बितर कर दिया। हिंसा का विरोध कर रहे प्रदर्शनकारी स्वतंत्रता के समर्थन में नारेबाजी कर रहे थे। बनियास में प्रदर्शनकारियों में पुरुष, महिलाएं और बच्चे भी शामिल थे। वहीं पिछले दो महीनों से लोकतंत्र समर्थक प्रदर्शनों की गिरफ्त में आए इस देश को वेनेजुएला के राष्ट्रपति ह्यूगो शावेज ने फासीवादी हमलों का शिकार बताते हुए सीरिया के राष्ट्रपति बशर अल-असद का बचाव किया है। शावेज ने सीरिया के राष्ट्रपति से फोन पर बात करने के बाद अपने ट्वीट मे यह बात कही है।
संक्षिप्त पाठ: सीरिया में लोकतंत्र के समर्थन में प्रदर्शनों का सिलसिला तेज होने के बीच सुरक्षाबलों की गोलीबारी में एक बालक सहित कम से कम 27 लोग मारे गए।
30
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: औद्योगिक उत्पादन गिरने से चिंतित उद्योग जगत ने रोजगार के अवसर कम होने की आशंका जताई और सरकार एवं रिजर्व बैंक से स्थिति को संभालने के लिए तुरंत कदम उठाने का आह्वान किया। उद्योग जगत ने निवेश गतिविधियों में तेजी लाने के लिए रिजर्व बैंक से ब्याज दरों के मोर्चे पर नरमी लाने को कहा है। दूसरी तरफ सरकार से जरुरी नीतिगत उपाय करने पर भी जोर दिया है। भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) ने विशेषतौर पर विनिर्माण क्षेत्र में आई गिरावट पर चिंता व्यक्त की है। विनिर्माण यानी कारखानों में होने वाले उत्पादन में पिछले साल के मुकाबले छह प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है। सीआईआई ने कहा है कि पूंजीगत सामान क्षेत्र में आई गिरावट भी चिंता का विषय है। एक अन्य उद्योग एवं वाणिज्य मंडल फिक्की ने कहा है कि सरकार को समय रहते निवेश गतिविधियों को बढ़ाने के लिए निवेश प्रोत्साहन देना चाहिए और जरूरी वित्तीय उपाय कर वित्तीय प्रोत्साहनों को भी शुरू करना चाहिए। उद्योगों ने कहा है कि विनिर्माण क्षेत्र की स्थिति संकट के दौर में पहुंच गई है। फिक्की ने आशंका जताई है कि स्थिति और बिगड़ सकती है।
संक्षिप्त सारांश: उद्योग जगत ने रोजगार के अवसर कम होने की आशंका जताई और सरकार एवं रिजर्व बैंक से स्थिति को संभालने के लिए तुरंत कदम उठाने का आह्वान किया।
23
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: सात बार के विश्व चैम्पियन माइकल शूमाकर इस सत्र के अंत में दूसरी बार फार्मूला वन से संन्यास लेंगे। शूमाकर ने गुरुवार को जैपनीज ग्रां पी से पहले इसकी घोषणा की। शूमाकर ने मसिर्डीज ग्रां पी टीम की ओर से आयोजित संवाददाता सम्मेलन में कहा, "मैंने इस सत्र के अंत में एफ-1 से संन्यास लेने का फैसला किया है। हालांकि मैं अभी भी सबसे अच्छे चालकों के साथ प्रतिस्पर्धा के काबिल हूं।" वर्ष 2010 में एफ-1 सर्किट में लौटने वाले शूमाकर ने कहा, "इस बात पर मुझे गर्व है। यही कारण है कि मैंने कभी भी अपनी वापसी पर पछतावा नहीं किया।" शूमाकर के इस फैसले से पहले उनकी टीम ने घोषणा की थी कि लुइस हेमिल्टन 2013 सत्र के लिए उनके नए चालक होंगे। इसके साथ मैक्लॉरेन टीम के चालक हेमिल्टन के स्विस टीम साउबर के साथ जुड़ने की अटकलों पर विराम लग गया। शूमाकर ने वर्ष 2006 में पहली बार संन्यास की घोषणा की थी। इसके बाद 43 साल के शूमाकर ने चार साल तक एफ-1 सर्किट से दूर रहने के बाद 2010 में वापसी की थी। वह हालांकि फेरारी टीम की तरह मसिर्डीज को परिणाम नहीं दे सके। तीन साल की अपनी दूसरी पारी में वह इस साल के यूरोपीयन ग्रां पी में तीसरे स्थान पर रहे, जो इस दौरान उनका श्रेष्ठ प्रदर्शन रहा। टिप्पणियां शूमाकर ने कहा कि वह काफी समय से संन्यास के बारे में सोच रहे थे। उन्होंने कहा, "मैं इसके बारे में काफी समय से सोच रहा था। मैंने अपनी टीम के साथ तीन साल का करार किया था और इस लिहाज से मेरे लिए बिल्कुल एक जैसा समर्पण और ऊर्जा बनाए रखना मुश्किल था। आप जब युवा होते हैं तो इसके बारे में नहीं सोचते हैं।" उल्लेखनीय है कि शूमाकर ने वर्ष 1991 में पहली बार जॉर्डन फोर्ड टीम की ओर से बेल्जियम ग्रां पी में हिस्सा लिया था। इसके बाद से शूमाकर विश्व के सबसे सफल फार्मूला वन चालक बन गए। उन्होंने वर्ष 2006 तक 91 रेस जीते। शूमाकर ने मसिर्डीज ग्रां पी टीम की ओर से आयोजित संवाददाता सम्मेलन में कहा, "मैंने इस सत्र के अंत में एफ-1 से संन्यास लेने का फैसला किया है। हालांकि मैं अभी भी सबसे अच्छे चालकों के साथ प्रतिस्पर्धा के काबिल हूं।" वर्ष 2010 में एफ-1 सर्किट में लौटने वाले शूमाकर ने कहा, "इस बात पर मुझे गर्व है। यही कारण है कि मैंने कभी भी अपनी वापसी पर पछतावा नहीं किया।" शूमाकर के इस फैसले से पहले उनकी टीम ने घोषणा की थी कि लुइस हेमिल्टन 2013 सत्र के लिए उनके नए चालक होंगे। इसके साथ मैक्लॉरेन टीम के चालक हेमिल्टन के स्विस टीम साउबर के साथ जुड़ने की अटकलों पर विराम लग गया। शूमाकर ने वर्ष 2006 में पहली बार संन्यास की घोषणा की थी। इसके बाद 43 साल के शूमाकर ने चार साल तक एफ-1 सर्किट से दूर रहने के बाद 2010 में वापसी की थी। वह हालांकि फेरारी टीम की तरह मसिर्डीज को परिणाम नहीं दे सके। तीन साल की अपनी दूसरी पारी में वह इस साल के यूरोपीयन ग्रां पी में तीसरे स्थान पर रहे, जो इस दौरान उनका श्रेष्ठ प्रदर्शन रहा। टिप्पणियां शूमाकर ने कहा कि वह काफी समय से संन्यास के बारे में सोच रहे थे। उन्होंने कहा, "मैं इसके बारे में काफी समय से सोच रहा था। मैंने अपनी टीम के साथ तीन साल का करार किया था और इस लिहाज से मेरे लिए बिल्कुल एक जैसा समर्पण और ऊर्जा बनाए रखना मुश्किल था। आप जब युवा होते हैं तो इसके बारे में नहीं सोचते हैं।" उल्लेखनीय है कि शूमाकर ने वर्ष 1991 में पहली बार जॉर्डन फोर्ड टीम की ओर से बेल्जियम ग्रां पी में हिस्सा लिया था। इसके बाद से शूमाकर विश्व के सबसे सफल फार्मूला वन चालक बन गए। उन्होंने वर्ष 2006 तक 91 रेस जीते। वर्ष 2010 में एफ-1 सर्किट में लौटने वाले शूमाकर ने कहा, "इस बात पर मुझे गर्व है। यही कारण है कि मैंने कभी भी अपनी वापसी पर पछतावा नहीं किया।" शूमाकर के इस फैसले से पहले उनकी टीम ने घोषणा की थी कि लुइस हेमिल्टन 2013 सत्र के लिए उनके नए चालक होंगे। इसके साथ मैक्लॉरेन टीम के चालक हेमिल्टन के स्विस टीम साउबर के साथ जुड़ने की अटकलों पर विराम लग गया। शूमाकर ने वर्ष 2006 में पहली बार संन्यास की घोषणा की थी। इसके बाद 43 साल के शूमाकर ने चार साल तक एफ-1 सर्किट से दूर रहने के बाद 2010 में वापसी की थी। वह हालांकि फेरारी टीम की तरह मसिर्डीज को परिणाम नहीं दे सके। तीन साल की अपनी दूसरी पारी में वह इस साल के यूरोपीयन ग्रां पी में तीसरे स्थान पर रहे, जो इस दौरान उनका श्रेष्ठ प्रदर्शन रहा। टिप्पणियां शूमाकर ने कहा कि वह काफी समय से संन्यास के बारे में सोच रहे थे। उन्होंने कहा, "मैं इसके बारे में काफी समय से सोच रहा था। मैंने अपनी टीम के साथ तीन साल का करार किया था और इस लिहाज से मेरे लिए बिल्कुल एक जैसा समर्पण और ऊर्जा बनाए रखना मुश्किल था। आप जब युवा होते हैं तो इसके बारे में नहीं सोचते हैं।" उल्लेखनीय है कि शूमाकर ने वर्ष 1991 में पहली बार जॉर्डन फोर्ड टीम की ओर से बेल्जियम ग्रां पी में हिस्सा लिया था। इसके बाद से शूमाकर विश्व के सबसे सफल फार्मूला वन चालक बन गए। उन्होंने वर्ष 2006 तक 91 रेस जीते। शूमाकर के इस फैसले से पहले उनकी टीम ने घोषणा की थी कि लुइस हेमिल्टन 2013 सत्र के लिए उनके नए चालक होंगे। इसके साथ मैक्लॉरेन टीम के चालक हेमिल्टन के स्विस टीम साउबर के साथ जुड़ने की अटकलों पर विराम लग गया। शूमाकर ने वर्ष 2006 में पहली बार संन्यास की घोषणा की थी। इसके बाद 43 साल के शूमाकर ने चार साल तक एफ-1 सर्किट से दूर रहने के बाद 2010 में वापसी की थी। वह हालांकि फेरारी टीम की तरह मसिर्डीज को परिणाम नहीं दे सके। तीन साल की अपनी दूसरी पारी में वह इस साल के यूरोपीयन ग्रां पी में तीसरे स्थान पर रहे, जो इस दौरान उनका श्रेष्ठ प्रदर्शन रहा। टिप्पणियां शूमाकर ने कहा कि वह काफी समय से संन्यास के बारे में सोच रहे थे। उन्होंने कहा, "मैं इसके बारे में काफी समय से सोच रहा था। मैंने अपनी टीम के साथ तीन साल का करार किया था और इस लिहाज से मेरे लिए बिल्कुल एक जैसा समर्पण और ऊर्जा बनाए रखना मुश्किल था। आप जब युवा होते हैं तो इसके बारे में नहीं सोचते हैं।" उल्लेखनीय है कि शूमाकर ने वर्ष 1991 में पहली बार जॉर्डन फोर्ड टीम की ओर से बेल्जियम ग्रां पी में हिस्सा लिया था। इसके बाद से शूमाकर विश्व के सबसे सफल फार्मूला वन चालक बन गए। उन्होंने वर्ष 2006 तक 91 रेस जीते। शूमाकर ने वर्ष 2006 में पहली बार संन्यास की घोषणा की थी। इसके बाद 43 साल के शूमाकर ने चार साल तक एफ-1 सर्किट से दूर रहने के बाद 2010 में वापसी की थी। वह हालांकि फेरारी टीम की तरह मसिर्डीज को परिणाम नहीं दे सके। तीन साल की अपनी दूसरी पारी में वह इस साल के यूरोपीयन ग्रां पी में तीसरे स्थान पर रहे, जो इस दौरान उनका श्रेष्ठ प्रदर्शन रहा। टिप्पणियां शूमाकर ने कहा कि वह काफी समय से संन्यास के बारे में सोच रहे थे। उन्होंने कहा, "मैं इसके बारे में काफी समय से सोच रहा था। मैंने अपनी टीम के साथ तीन साल का करार किया था और इस लिहाज से मेरे लिए बिल्कुल एक जैसा समर्पण और ऊर्जा बनाए रखना मुश्किल था। आप जब युवा होते हैं तो इसके बारे में नहीं सोचते हैं।" उल्लेखनीय है कि शूमाकर ने वर्ष 1991 में पहली बार जॉर्डन फोर्ड टीम की ओर से बेल्जियम ग्रां पी में हिस्सा लिया था। इसके बाद से शूमाकर विश्व के सबसे सफल फार्मूला वन चालक बन गए। उन्होंने वर्ष 2006 तक 91 रेस जीते। शूमाकर ने कहा कि वह काफी समय से संन्यास के बारे में सोच रहे थे। उन्होंने कहा, "मैं इसके बारे में काफी समय से सोच रहा था। मैंने अपनी टीम के साथ तीन साल का करार किया था और इस लिहाज से मेरे लिए बिल्कुल एक जैसा समर्पण और ऊर्जा बनाए रखना मुश्किल था। आप जब युवा होते हैं तो इसके बारे में नहीं सोचते हैं।" उल्लेखनीय है कि शूमाकर ने वर्ष 1991 में पहली बार जॉर्डन फोर्ड टीम की ओर से बेल्जियम ग्रां पी में हिस्सा लिया था। इसके बाद से शूमाकर विश्व के सबसे सफल फार्मूला वन चालक बन गए। उन्होंने वर्ष 2006 तक 91 रेस जीते। उल्लेखनीय है कि शूमाकर ने वर्ष 1991 में पहली बार जॉर्डन फोर्ड टीम की ओर से बेल्जियम ग्रां पी में हिस्सा लिया था। इसके बाद से शूमाकर विश्व के सबसे सफल फार्मूला वन चालक बन गए। उन्होंने वर्ष 2006 तक 91 रेस जीते।
सात बार के विश्व चैम्पियन माइकल शूमाकर इस सत्र के अंत में दूसरी बार फार्मूला वन से संन्यास लेंगे। शूमाकर ने गुरुवार को जैपनीज ग्रां पी से पहले इसकी घोषणा की।
34
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: वी. दीजू और प्राजक्ता सावंत की मिश्रित युगल जोड़ी के उम्दा प्रदर्शन की बदौलत क्रिश दिल्ली स्मैशर्स ने शनिवार को बाबू बनारसीदास बैडमिंटन अकादमी में खेले गए इंडियन बैडमिंटन लीग (आईबीएल) के अपने दूसरे दौर के मुकाबले में हैदराबाद हॉटशॉटस को 3-2 से हरा दिया। हॉटशॉटस ने पुरुष एकल और महिला एकल मैच जीता जबकि स्मैशर्स ने दूसरा पुरुष एकल, पुरुष युगल और मिश्रित युगल मैच जीता। आईबीएल के दिल्ली चरण में स्मैशर्स को अपने ही घर में पहले दौर के मुकाबले में पुणे पिस्टंस के हाथों 2-3 से हार मिली थी। दीजू और सावंत ने मिश्रित युगल मुकाबले में हॉटशॉटस के वी. शेम गोह और प्रांद्या गडरे की जोड़ी को सीधे गेम में 21-20, 21-15 से हराया। यह मैच 32 मिनट चला। स्मैशर्स ने दूसरे पुरुष एकल मुकाबले में जीत के साथ 2-2 की बराबरी की थी। उसने शुरुआती पुरुष एकल और महिला एकल मैच गंवाने के बाद लगातार तीन जीत दर्ज किए। हॉटशॉटस के तौफीक हिदायत पर शानदार जीत के साथ लियू दारेन ने स्मैशर्स को बराबरी दिलाई थी। दारेन ने पूर्व ऑल इंग्लैंड चैम्पियन हिदायत को 21-10, 21-7 से हराया। यह मुकाबला उम्मीद के उलट एकतरफा साबित हुआ। 0-2 से पिछड़ रही स्मैशर्स को कू कीन कीत और तान बून होएंग की जोड़ी ने दिन की पहली जीत दिलाई थी। टिप्पणियां कीत और होएंग ने हॉटशॉटस के वी. शेम गोह और तरुण कोना को 21-14, 21-16 से हराया। हॉटशॉटस ने अपनी आयकन खिलाड़ी सायना नेहवाल और तानोंगसाक साएमसोमबूनसुक की मदद से 2-0 की बढ़त हासिल की थी। तानोंगसाक ने पहला पुरुष एकल मैच जीता जबकि सायना ने महिला एकल मैच अपने नाम किया था। सायना ने एकतरफा मुकाबले में जहां स्मैशर्स की अरुंधति पंटावने को 21-6, 21-5 से हराया वहीं तानोंगसाक ने स्मैशर्स के बी. साई प्रणीत को 54 मिनट में 19-21, 21-19, 11-7 से हराया। हॉटशॉटस ने पुरुष एकल और महिला एकल मैच जीता जबकि स्मैशर्स ने दूसरा पुरुष एकल, पुरुष युगल और मिश्रित युगल मैच जीता। आईबीएल के दिल्ली चरण में स्मैशर्स को अपने ही घर में पहले दौर के मुकाबले में पुणे पिस्टंस के हाथों 2-3 से हार मिली थी। दीजू और सावंत ने मिश्रित युगल मुकाबले में हॉटशॉटस के वी. शेम गोह और प्रांद्या गडरे की जोड़ी को सीधे गेम में 21-20, 21-15 से हराया। यह मैच 32 मिनट चला। स्मैशर्स ने दूसरे पुरुष एकल मुकाबले में जीत के साथ 2-2 की बराबरी की थी। उसने शुरुआती पुरुष एकल और महिला एकल मैच गंवाने के बाद लगातार तीन जीत दर्ज किए। हॉटशॉटस के तौफीक हिदायत पर शानदार जीत के साथ लियू दारेन ने स्मैशर्स को बराबरी दिलाई थी। दारेन ने पूर्व ऑल इंग्लैंड चैम्पियन हिदायत को 21-10, 21-7 से हराया। यह मुकाबला उम्मीद के उलट एकतरफा साबित हुआ। 0-2 से पिछड़ रही स्मैशर्स को कू कीन कीत और तान बून होएंग की जोड़ी ने दिन की पहली जीत दिलाई थी। टिप्पणियां कीत और होएंग ने हॉटशॉटस के वी. शेम गोह और तरुण कोना को 21-14, 21-16 से हराया। हॉटशॉटस ने अपनी आयकन खिलाड़ी सायना नेहवाल और तानोंगसाक साएमसोमबूनसुक की मदद से 2-0 की बढ़त हासिल की थी। तानोंगसाक ने पहला पुरुष एकल मैच जीता जबकि सायना ने महिला एकल मैच अपने नाम किया था। सायना ने एकतरफा मुकाबले में जहां स्मैशर्स की अरुंधति पंटावने को 21-6, 21-5 से हराया वहीं तानोंगसाक ने स्मैशर्स के बी. साई प्रणीत को 54 मिनट में 19-21, 21-19, 11-7 से हराया। दीजू और सावंत ने मिश्रित युगल मुकाबले में हॉटशॉटस के वी. शेम गोह और प्रांद्या गडरे की जोड़ी को सीधे गेम में 21-20, 21-15 से हराया। यह मैच 32 मिनट चला। स्मैशर्स ने दूसरे पुरुष एकल मुकाबले में जीत के साथ 2-2 की बराबरी की थी। उसने शुरुआती पुरुष एकल और महिला एकल मैच गंवाने के बाद लगातार तीन जीत दर्ज किए। हॉटशॉटस के तौफीक हिदायत पर शानदार जीत के साथ लियू दारेन ने स्मैशर्स को बराबरी दिलाई थी। दारेन ने पूर्व ऑल इंग्लैंड चैम्पियन हिदायत को 21-10, 21-7 से हराया। यह मुकाबला उम्मीद के उलट एकतरफा साबित हुआ। 0-2 से पिछड़ रही स्मैशर्स को कू कीन कीत और तान बून होएंग की जोड़ी ने दिन की पहली जीत दिलाई थी। टिप्पणियां कीत और होएंग ने हॉटशॉटस के वी. शेम गोह और तरुण कोना को 21-14, 21-16 से हराया। हॉटशॉटस ने अपनी आयकन खिलाड़ी सायना नेहवाल और तानोंगसाक साएमसोमबूनसुक की मदद से 2-0 की बढ़त हासिल की थी। तानोंगसाक ने पहला पुरुष एकल मैच जीता जबकि सायना ने महिला एकल मैच अपने नाम किया था। सायना ने एकतरफा मुकाबले में जहां स्मैशर्स की अरुंधति पंटावने को 21-6, 21-5 से हराया वहीं तानोंगसाक ने स्मैशर्स के बी. साई प्रणीत को 54 मिनट में 19-21, 21-19, 11-7 से हराया। हॉटशॉटस के तौफीक हिदायत पर शानदार जीत के साथ लियू दारेन ने स्मैशर्स को बराबरी दिलाई थी। दारेन ने पूर्व ऑल इंग्लैंड चैम्पियन हिदायत को 21-10, 21-7 से हराया। यह मुकाबला उम्मीद के उलट एकतरफा साबित हुआ। 0-2 से पिछड़ रही स्मैशर्स को कू कीन कीत और तान बून होएंग की जोड़ी ने दिन की पहली जीत दिलाई थी। टिप्पणियां कीत और होएंग ने हॉटशॉटस के वी. शेम गोह और तरुण कोना को 21-14, 21-16 से हराया। हॉटशॉटस ने अपनी आयकन खिलाड़ी सायना नेहवाल और तानोंगसाक साएमसोमबूनसुक की मदद से 2-0 की बढ़त हासिल की थी। तानोंगसाक ने पहला पुरुष एकल मैच जीता जबकि सायना ने महिला एकल मैच अपने नाम किया था। सायना ने एकतरफा मुकाबले में जहां स्मैशर्स की अरुंधति पंटावने को 21-6, 21-5 से हराया वहीं तानोंगसाक ने स्मैशर्स के बी. साई प्रणीत को 54 मिनट में 19-21, 21-19, 11-7 से हराया। कीत और होएंग ने हॉटशॉटस के वी. शेम गोह और तरुण कोना को 21-14, 21-16 से हराया। हॉटशॉटस ने अपनी आयकन खिलाड़ी सायना नेहवाल और तानोंगसाक साएमसोमबूनसुक की मदद से 2-0 की बढ़त हासिल की थी। तानोंगसाक ने पहला पुरुष एकल मैच जीता जबकि सायना ने महिला एकल मैच अपने नाम किया था। सायना ने एकतरफा मुकाबले में जहां स्मैशर्स की अरुंधति पंटावने को 21-6, 21-5 से हराया वहीं तानोंगसाक ने स्मैशर्स के बी. साई प्रणीत को 54 मिनट में 19-21, 21-19, 11-7 से हराया। सायना ने एकतरफा मुकाबले में जहां स्मैशर्स की अरुंधति पंटावने को 21-6, 21-5 से हराया वहीं तानोंगसाक ने स्मैशर्स के बी. साई प्रणीत को 54 मिनट में 19-21, 21-19, 11-7 से हराया।
यह एक सारांश है: वी. दीजू और प्राजक्ता सावंत की मिश्रित युगल जोड़ी के उम्दा प्रदर्शन की बदौलत क्रिश दिल्ली स्मैशर्स ने शनिवार को बाबू बनारसीदास बैडमिंटन अकादमी में खेले गए इंडियन बैडमिंटन लीग (आईबीएल) के अपने दूसरे दौर के मुकाबले में हैदराबाद हॉटशॉटस को 3-2 से हरा दिया।
16
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: भारत ने देश में निर्मित एवं परमाणु आयुध ले जाने में सक्षम पृथ्वी-2 मिसाइल का ओडिशा में एक परीक्षण रेंज से शुक्रवार को सफल प्रायोगिक परीक्षण किया. सेना ने इस्तेमाल के दौरान इसका परीक्षण किया. आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि सतह से सतह पर मार करने में सक्षम और 350 किलोमीटर की मारक क्षमता वाली इस मिसाइल का परीक्षण सुबह करीब नौ बजकर 50 मिनट पर यहां निकट स्थित चांदीपुर में एकीकृत परीक्षण रेंज (आईटीआर) के परिसर तीन से मोबाइल लॉन्चर के माध्यम से किया गया. उन्होंने कहा कि इस अत्याधुनिक मिसाइल का परीक्षण सफल रहा और मिशन के लक्ष्य पूरे हुए. पृथ्वी-2 मिसाइल 500 किलोग्राम से 1000 किलोग्राम वजनी आयुध ले जाने में सक्षम है और यह दो तरल प्रणोदन इंजनों से संचालित होती है. यह अपने लक्ष्य को सटीकता से निशाना बनाने के लिए अत्याधुनिक प्रणाली का इस्तेमाल करती है. रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) के एक वैज्ञानिक ने कहा कि इस अत्याधुनिक मिसाइल को परीक्षण के लिए उत्पादन भंडार से चुना गया और यह परीक्षण गतिविधियां विशेष रूप से गठित सामरिक बल कमान (एसएफसी) ने कीं और डीआरडीओ के वैज्ञानिकों ने इस पर नजर रखी. सूत्रों ने कहा, मिसाइल के प्रक्षेपण पथ पर ओडिशा के तट के निकट स्थित टेलीमेट्री स्टेशनों, डीआरडीओ रडारों और इलेक्ट्रो ऑप्टिकल ट्रैकिंग सिस्टम्स ने नजर रखी. बंगाल की खाड़ी में निर्धारित प्रभाव बिंदु के निकट तैनात पोत पर सवार टीम ने टर्मिनल गतिविधियों एवं मिसाइल के समुद्र में उतरने की निगरानी की.टिप्पणियां इससे पहले 21 नवंबर 2016 को इसी जगह से दो पृथ्वी 2 मिसाइलों का एक के बाद एक परीक्षण किया गया था. इस नौ मीटर लंबी मिसाइल को वर्ष 2003 में भारतीय सशस्त्र बल में शामिल किया गया था. यह पहली ऐसी मिसाइल है, जिसे डीआरडीओ ने एकीकृत निर्देशित मिसाइल विकास कार्यक्रम के तहत विकसित किया है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) पृथ्वी-2 मिसाइल 500 किलोग्राम से 1000 किलोग्राम वजनी आयुध ले जाने में सक्षम है और यह दो तरल प्रणोदन इंजनों से संचालित होती है. यह अपने लक्ष्य को सटीकता से निशाना बनाने के लिए अत्याधुनिक प्रणाली का इस्तेमाल करती है. रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) के एक वैज्ञानिक ने कहा कि इस अत्याधुनिक मिसाइल को परीक्षण के लिए उत्पादन भंडार से चुना गया और यह परीक्षण गतिविधियां विशेष रूप से गठित सामरिक बल कमान (एसएफसी) ने कीं और डीआरडीओ के वैज्ञानिकों ने इस पर नजर रखी. सूत्रों ने कहा, मिसाइल के प्रक्षेपण पथ पर ओडिशा के तट के निकट स्थित टेलीमेट्री स्टेशनों, डीआरडीओ रडारों और इलेक्ट्रो ऑप्टिकल ट्रैकिंग सिस्टम्स ने नजर रखी. बंगाल की खाड़ी में निर्धारित प्रभाव बिंदु के निकट तैनात पोत पर सवार टीम ने टर्मिनल गतिविधियों एवं मिसाइल के समुद्र में उतरने की निगरानी की.टिप्पणियां इससे पहले 21 नवंबर 2016 को इसी जगह से दो पृथ्वी 2 मिसाइलों का एक के बाद एक परीक्षण किया गया था. इस नौ मीटर लंबी मिसाइल को वर्ष 2003 में भारतीय सशस्त्र बल में शामिल किया गया था. यह पहली ऐसी मिसाइल है, जिसे डीआरडीओ ने एकीकृत निर्देशित मिसाइल विकास कार्यक्रम के तहत विकसित किया है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) के एक वैज्ञानिक ने कहा कि इस अत्याधुनिक मिसाइल को परीक्षण के लिए उत्पादन भंडार से चुना गया और यह परीक्षण गतिविधियां विशेष रूप से गठित सामरिक बल कमान (एसएफसी) ने कीं और डीआरडीओ के वैज्ञानिकों ने इस पर नजर रखी. सूत्रों ने कहा, मिसाइल के प्रक्षेपण पथ पर ओडिशा के तट के निकट स्थित टेलीमेट्री स्टेशनों, डीआरडीओ रडारों और इलेक्ट्रो ऑप्टिकल ट्रैकिंग सिस्टम्स ने नजर रखी. बंगाल की खाड़ी में निर्धारित प्रभाव बिंदु के निकट तैनात पोत पर सवार टीम ने टर्मिनल गतिविधियों एवं मिसाइल के समुद्र में उतरने की निगरानी की.टिप्पणियां इससे पहले 21 नवंबर 2016 को इसी जगह से दो पृथ्वी 2 मिसाइलों का एक के बाद एक परीक्षण किया गया था. इस नौ मीटर लंबी मिसाइल को वर्ष 2003 में भारतीय सशस्त्र बल में शामिल किया गया था. यह पहली ऐसी मिसाइल है, जिसे डीआरडीओ ने एकीकृत निर्देशित मिसाइल विकास कार्यक्रम के तहत विकसित किया है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) सूत्रों ने कहा, मिसाइल के प्रक्षेपण पथ पर ओडिशा के तट के निकट स्थित टेलीमेट्री स्टेशनों, डीआरडीओ रडारों और इलेक्ट्रो ऑप्टिकल ट्रैकिंग सिस्टम्स ने नजर रखी. बंगाल की खाड़ी में निर्धारित प्रभाव बिंदु के निकट तैनात पोत पर सवार टीम ने टर्मिनल गतिविधियों एवं मिसाइल के समुद्र में उतरने की निगरानी की.टिप्पणियां इससे पहले 21 नवंबर 2016 को इसी जगह से दो पृथ्वी 2 मिसाइलों का एक के बाद एक परीक्षण किया गया था. इस नौ मीटर लंबी मिसाइल को वर्ष 2003 में भारतीय सशस्त्र बल में शामिल किया गया था. यह पहली ऐसी मिसाइल है, जिसे डीआरडीओ ने एकीकृत निर्देशित मिसाइल विकास कार्यक्रम के तहत विकसित किया है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) इससे पहले 21 नवंबर 2016 को इसी जगह से दो पृथ्वी 2 मिसाइलों का एक के बाद एक परीक्षण किया गया था. इस नौ मीटर लंबी मिसाइल को वर्ष 2003 में भारतीय सशस्त्र बल में शामिल किया गया था. यह पहली ऐसी मिसाइल है, जिसे डीआरडीओ ने एकीकृत निर्देशित मिसाइल विकास कार्यक्रम के तहत विकसित किया है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
यह एक सारांश है: 500 से 1000 किलोग्राम वजनी आयुध ले जाने में सक्षम लक्ष्य को पूरी सटीकता से निशाना बनाती है परीक्षण को सफल बताया गया, मिशन के लक्ष्य पूरे
24
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच अगले सप्ताह होने वाली मुलाकात से पहले ट्रंप प्रशासन ने कहा है कि अमेरिका भारत के साथ संबंधों को मजबूत बनाने को लेकर आशान्वित है. अमेरिकी विदेश विभाग की प्रवक्ता हीथर नॉर्ट ने संवाददाताओं से कहा, हम अमेरिका और भारत के बीच संबंधों को मजबूत बनाने को लेकर आशान्वित हैं. उन्होंने कहा, हमारे बीच परस्पर सहयोग के कई क्षेत्र हैं, आतंकवाद से मुकाबला है, दोनों देशों के लोगों के बीच का संबंध मजबूत हैं इसलिए हम इस दौरे को लेकर उत्सुक हैं. पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रंप सोमवार को व्हाइट हाउस में मिलने वाले हैं. दोनों नेताओं की यह पहली मुलाकात होगी. पिछले साल नवंबर में डोनाल्ड ट्रंप के अमेरिका का राष्ट्रपति निर्वाचित होने के बाद दोनों नेताओं ने फोन पर बात की थी. उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में भाजपा की जीत के बाद भी डोनाल्ड ट्रंप ने पीएम मोदी को फोन कर बधाई दी थी. पूर्ववर्ती ओबामा प्रशासन के दौरान पीएम मोदी की बराक ओबामा से रिकार्ड आठ बार मुलाकात हुई थी. पीएम मोदी ने वाशिंगटन का तीन बार दौरा किया था, जबकि साल 2015 में ओबामा की ऐतिहासिक भारत यात्रा हुई थी, जिसमें वह गणतंत्र दिवस समारोह के मुख्य अतिथि थे.  पूर्ववर्ती ओबामा प्रशासन के दौरान पीएम मोदी की बराक ओबामा से रिकार्ड आठ बार मुलाकात हुई थी. पीएम मोदी ने वाशिंगटन का तीन बार दौरा किया था, जबकि साल 2015 में ओबामा की ऐतिहासिक भारत यात्रा हुई थी, जिसमें वह गणतंत्र दिवस समारोह के मुख्य अतिथि थे.
सारांश: भारत के साथ मजबूत संबंध बनाने को आशान्वित : US सोमवार को व्हाइट हाउस में पीएम मोदी और ट्रंप की मुलाकात ट्रंप ने यूपी चुनाव की जीत पर पीएम मोदी को दी थी बधाई
20
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: इसरो के एक अधिकारी ने नाम न जाहिर करने के अनुरोध के साथ को बताया, "मिशन का सिर्फ पांच प्रतिशत -लैंडर विक्रम और प्रज्ञान रोवर- नुकसान हुआ है, जबकि बाकी 95 प्रतिशत -चंद्रयान-2 ऑर्बिटर- अभी भी चंद्रमा का सफलतापूर्वक चक्कर काट रहा है." एक साल मिशन अवधि वाला ऑर्बिटर चंद्रमा की कई तस्वीरें लेकर इसरो को भेज सकता है. अधिकारी ने कहा कि ऑर्बिटर लैंडर की तस्वीरें भी लेकर भेज सकता है, जिससे उसकी स्थिति के बारे में पता चल सकता है. गौरतलब है कि भारत का चंद्रयान पिछले 43 दिनों से अंतरिक्ष में है. 3.8 टन वजनी यह यान फिलहाल चंद्रमा की कक्षा में चक्कर काट रहा है. सोमवार दोपहर हुए एक महत्वपूर्व पड़ाव में चंद्रयान से विक्रम लैंडर अलग कर दिया गया था.   इसके बाद सुबह 8 बजे पीएम मोदी ने इसरो के वैज्ञानिकों को संबोधित करते हुए कहा कि  इस मिशन के साथ जुड़ा हुआ हर व्यक्ति एक अलग ही अवस्था में था. बहुत से सवाल थे, बड़ी सफलता के साथ आगे बढ़ते हैं. अचानक सबकुछ नजर आना बंद हो गया, मैंने भी उस पल को आपके साथ जिया है. पीएम मोदी ने कहा कि चांद को छूने का जब्जा और बढ़ा है. असफलताओं से जूझना हमारी परंपरा और संस्कृति है. पीएम मोदी ने कहा मुझे और पूरे देश को इसरो के वैज्ञानिकों पर गर्व है. मैं और देश आपके साथ है. पीएम मोदी ने कहा कि आप वह लोग हैं जो मां भारती का सिर ऊंचा रखने के लिए पूरा जीवन खपा देते हैं. पीएम मोदी ने कहा कि ज्ञान का सबसे बड़ा शिक्षक विज्ञान है और विज्ञान असफलता नहीं होती है. पीएम मोदी ने कहा कि चंद्रयान के सफर का आखिरी पड़ाव भले ही आशा के अनुरूप नहीं रही है लेकिन उसकी यात्रा शानदार रही है. हमारा ऑर्बिटर चंद्रमा के शानदार चक्कर लगा रहा है.
सारांश: चंद्रमा के चक्कर काट रहा है ऑर्बिटर सिर्फ 5 फीसदी का हुआ है नुकसान संपर्क हो सकता है विक्रम से
31
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: लखनऊ में गुरुवार की शाम शराब पीकर एसयूवी चलाने वाले एक ड्राइवर ने मामूली विवाद के बाद एक 28 वर्षीय व्यक्ति पर गाड़ी चढ़ा दी। आरोपी राजेश तिवारी उसके बाद गाड़ी लेकर फरार हो गया। शुक्रवार को पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया है। बताया गया है कि गोमती नगर क्षेत्र में तिवारी ने अपनी गाड़ी से एक कार को टक्कर मार दी जो मालिक के घर के बाहर खड़ी थी। टक्कर की आवाज सुनकर जब कार मालिक 28 वर्षीय अर्जुन बहादुर बाहर आए और टूट-फूट का हर्जाना मांगा तो इससे गुस्साए शराबी ड्राइवर ने तेजी से अपनी गाड़ी पीछे की और सीधा बहादुर के ऊपर चढ़ा दी। यह कृत्य आरोपी ने दो बार किया और फरार हो गया। जानकारी के अनुसार उस समय आरोपी के साथ उस एसयूवी में दो और लोग दो जिन्होंने शराब पी रखी थी।   घटना के तुरंत बाद बहादुर को अस्पताल ले जाया गया जहां पर उसने दम तोड़ दिया। बहादुर एक निजी कंपनी में ड्राइवर का काम करता है। बहादुर के बाद उसके पीछे उसकी पत्नी के अलावा तीन बेटियां रह गई हैं। सबसे छोटी बेटी की उम्र छह महीने बताई जा रही है। बताया गया है कि गोमती नगर क्षेत्र में तिवारी ने अपनी गाड़ी से एक कार को टक्कर मार दी जो मालिक के घर के बाहर खड़ी थी। टक्कर की आवाज सुनकर जब कार मालिक 28 वर्षीय अर्जुन बहादुर बाहर आए और टूट-फूट का हर्जाना मांगा तो इससे गुस्साए शराबी ड्राइवर ने तेजी से अपनी गाड़ी पीछे की और सीधा बहादुर के ऊपर चढ़ा दी। यह कृत्य आरोपी ने दो बार किया और फरार हो गया। जानकारी के अनुसार उस समय आरोपी के साथ उस एसयूवी में दो और लोग दो जिन्होंने शराब पी रखी थी।   घटना के तुरंत बाद बहादुर को अस्पताल ले जाया गया जहां पर उसने दम तोड़ दिया। बहादुर एक निजी कंपनी में ड्राइवर का काम करता है। बहादुर के बाद उसके पीछे उसकी पत्नी के अलावा तीन बेटियां रह गई हैं। सबसे छोटी बेटी की उम्र छह महीने बताई जा रही है।
यह एक सारांश है: लखनऊ में गुरुवार की शाम शराब पीकर एसयूवी चलाने वाले एक ड्राइवर ने मामूली विवाद के बाद एक 28 वर्षीय व्यक्ति पर गाड़ी चढ़ा दी। आरोपी राजेश तिवारी उसके बाद गाड़ी लेकर फरार हो गया।
16
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: इराक में अधिकारियों ने बताया कि राजधानी बगदाद के शिया बहुल इलाकों और आसपास हुए शृंखलाबद्ध बम विस्फोटों में कम से कम 65 लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए। हमलों में कुछ धमाके किए गए, कुछ आत्मघाती हमलावरों ने खुद को उड़ा लिया और विस्फोटक भरी गाड़ियों में भी धमाके किए गए। इन हमलों में पार्किंग, बाजार, रेस्तरां आदि को निशाना बनाया गया।टिप्पणियां हमले में उत्तरी क्षेत्र में स्थित शिया बहुल कझिमियाह सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ। पार्किंग में आत्मघाती हमले में 10 लोगों की मौत हो गयी। हमले की किसी ने भी जिम्मेदारी नहीं ली है, पर, यह अलकायदा की इराक शाखा का काम लगता है। उत्तरी शाब में एक कार बम विस्फोट में नौ लोगों की मौत हो गई और 15 लोग घायल हो गए। सदर सिटी में विस्फोट से पांच, शुला में तीन, जिस्र दियाला में आठ की और पूर्वी न्यू बगदाद में तीन की मौत हो गई। बाया, जमीला, हुर्रिया और सैयदिया में भी विस्फोट हुआ जहां कुल 12 लोगों की जान चली गई। महमूदिया में एक रेस्तरां में आत्मघाती हमलावर ने खुद को उड़ा लिया, जिससे चार लोगों की मौत हो गई और 13 घायल हो गए। मादेन में बम विस्फोट होने से चार सैनिकों की जान गयी और छह अन्य घायल हो गए। हमलों में कुछ धमाके किए गए, कुछ आत्मघाती हमलावरों ने खुद को उड़ा लिया और विस्फोटक भरी गाड़ियों में भी धमाके किए गए। इन हमलों में पार्किंग, बाजार, रेस्तरां आदि को निशाना बनाया गया।टिप्पणियां हमले में उत्तरी क्षेत्र में स्थित शिया बहुल कझिमियाह सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ। पार्किंग में आत्मघाती हमले में 10 लोगों की मौत हो गयी। हमले की किसी ने भी जिम्मेदारी नहीं ली है, पर, यह अलकायदा की इराक शाखा का काम लगता है। उत्तरी शाब में एक कार बम विस्फोट में नौ लोगों की मौत हो गई और 15 लोग घायल हो गए। सदर सिटी में विस्फोट से पांच, शुला में तीन, जिस्र दियाला में आठ की और पूर्वी न्यू बगदाद में तीन की मौत हो गई। बाया, जमीला, हुर्रिया और सैयदिया में भी विस्फोट हुआ जहां कुल 12 लोगों की जान चली गई। महमूदिया में एक रेस्तरां में आत्मघाती हमलावर ने खुद को उड़ा लिया, जिससे चार लोगों की मौत हो गई और 13 घायल हो गए। मादेन में बम विस्फोट होने से चार सैनिकों की जान गयी और छह अन्य घायल हो गए। हमले में उत्तरी क्षेत्र में स्थित शिया बहुल कझिमियाह सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ। पार्किंग में आत्मघाती हमले में 10 लोगों की मौत हो गयी। हमले की किसी ने भी जिम्मेदारी नहीं ली है, पर, यह अलकायदा की इराक शाखा का काम लगता है। उत्तरी शाब में एक कार बम विस्फोट में नौ लोगों की मौत हो गई और 15 लोग घायल हो गए। सदर सिटी में विस्फोट से पांच, शुला में तीन, जिस्र दियाला में आठ की और पूर्वी न्यू बगदाद में तीन की मौत हो गई। बाया, जमीला, हुर्रिया और सैयदिया में भी विस्फोट हुआ जहां कुल 12 लोगों की जान चली गई। महमूदिया में एक रेस्तरां में आत्मघाती हमलावर ने खुद को उड़ा लिया, जिससे चार लोगों की मौत हो गई और 13 घायल हो गए। मादेन में बम विस्फोट होने से चार सैनिकों की जान गयी और छह अन्य घायल हो गए। बाया, जमीला, हुर्रिया और सैयदिया में भी विस्फोट हुआ जहां कुल 12 लोगों की जान चली गई। महमूदिया में एक रेस्तरां में आत्मघाती हमलावर ने खुद को उड़ा लिया, जिससे चार लोगों की मौत हो गई और 13 घायल हो गए। मादेन में बम विस्फोट होने से चार सैनिकों की जान गयी और छह अन्य घायल हो गए।
संक्षिप्त सारांश: हमलों में कुछ धमाके किए गए, कुछ आत्मघाती हमलावरों ने खुद को उड़ा लिया और विस्फोटक भरी गाड़ियों में भी धमाके किए गए। इन हमलों में पार्किंग, बाजार, रेस्तरां आदि को निशाना बनाया गया।
0
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: गरीब छात्रों को आईआईटी की कोचिंग कराने वाली संस्था 'सुपर 30' (Super 30) के 18 छात्र इस वर्ष भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) की संयुक्त प्रवेश परीक्षा (JEE Advanced) में सफल हुए हैं.  संस्था की तरफ से जारी बयान में बताया गया है कि इस साल 30 छात्रों में से 18 छात्र आईआईटी की संयुक्त प्रवेश परीक्षा में सफल हुए हैं. परिणाम जारी होने के बाद संस्था के संस्थापक आनंद कुमार ने कहा, "2002 से प्रारंभ सुपर 30 से अब तक 450 से ज्यादा छात्र आईआईटी की प्रवेश परीक्षा पास कर देश-विदेश में ऊंचे पदों पर पदस्थापित हैं." इस वर्ष सफलता में गिरावट आने के संबंध में उन्होंने कहा कि संख्या उनके लिए मायने नहीं रखती. उन्होंने कहा कि वह अपने जुनून के साथ आगे बढ़ रहे हैं, और सभी छात्र भले ही आईआईटी नहीं पहुंचे पाए, परंतु उन्हें एनआईटी मिलना तय है. उल्लेखनीय है कि साल 2008, 2009, 2010 और 2017 में सुपर 30 के सभी 30 छात्र आईआईटी की प्रवेश परीक्षा में सफलता हुए थे.  इस साल सफलता पाने वाले छात्रों में भी दैनिक मजदूर, सीमांत किसान और प्रवासी मजदूरों के बच्चे शामिल हैं. आपको बता दें कि संस्थान गरीब परिवारों के बच्चों का चयन करता है और उन्हें मुफ्त कोचिग, भोजन और रहने की सुविधा देता है, ताकि वे अपना ध्यान केवल आईआईटी-जेईई में सफल होने पर केंद्रित करें. (इनपुट- आईएएनएस)
संक्षिप्त सारांश: सुपर 30 के 18 छात्र आईआईटी-जेईई एडवांस परीक्षा में पास हुए हैं. सुपर 30 से अब तक 450 से ज्यादा छात्र जेईई एडवांस परीक्षा पास कर चुके हैं. सुपर 30 मुफ्त कोचिग, भोजन और रहने की सुविधा देता है.
0
['hin']
एक सारांश बनाओ: आमतौर पर माना जाता है कि पुरुष सेक्स के लिए उतावले रहते हैं लेकिन एक नए शोध के नतीजे बिल्कुल ही उल्टी कहानी बयां कर रहे हैं कि पुरुष लंबे समय तक रिश्ते बनाए रखने में खुशी महसूस करते हैं जबकि महिलाएं सेक्स को प्राथमिकता देती हैं। इंडियाना विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं ने पाया कि महिलाओं के मुकाबले पुरुष आलिंगन और चुंबन को ज्यादा पसंद करते हैं। वहीं दूसरी ओर महिलाएं सेक्स के प्रति ज्यादा उत्सुक रहती हैं। इस शोध की प्रमुख जूलिया हेइमैन ने कहा कि इन ताजा नतीजों की वजह यह है कि रिश्ते के शुरुआती 15 वर्ष में महिलाएं बच्चों के पालन पोषण में व्यस्त रहने के कारण ज्यादा भावनात्मक होती हैं लेकिन जैसे-जैसे समय बीतता जाता है उनके ऊपर से दबाव कम होता जाता है। इस महिला ने कहा, यह संभव है कि समय बीतने के साथ महिलाओं को ज्यादा यौन संतुष्टि मिलने लगती है क्योंकि बच्चों के बड़े होने के साथ उनकी उम्मीदें और जीवन बदलता है। यह अध्ययन पांच देशों के एक हजार से अधिक दंपतियों पर किया गया है जिनकी उम्र 40 से 70 के बीच थी।
आमतौर पर माना जाता है कि पुरुष सेक्स के लिए उतावले रहते हैं लेकिन एक नए शोध के नतीजे बिल्कुल ही उल्टी कहानी बयां कर रहे हैं...
26
['hin']
एक सारांश बनाओ: हरभजन सिंह ने आलोचकों के निशाने पर खड़े कप्तान महेंद्र सिंह धोनी का बचाव करते हुए बुधवार को कहा कि केवल एक मैच में हार से उस कप्तान की आलोचना नहीं की जानी चाहिए जिसकी अगुवाई में टीम विश्व चैंपियन बनी थी। धोनी ने इंग्लैंड के खिलाफ मुंबई में खेले गए दूसरे टेस्ट मैच में टर्निंग विकेट तैयार करवाया था लेकिन उनका यह दांव उल्टा पड़ गया तथा भारत को दस विकेट से करारी हार झेलनी पड़ी। साथी खिलाड़ी सुरेश रैना के साथ यहां अपनी क्रिकेट अकादमी में आए हरभजन ने कहा कि इसके लिए धोनी की आलोचना करना अनुचित है। हरभजन ने पत्रकारों से कहा, ‘‘मैचों में हार जीत लगी रहती है। एक मैच में हार जाने से खिलाड़ियों की और खास तौर से महेंद्र सिंह धोनी जैसे कप्तान की आलोचना नहीं की जानी चाहिए।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि धोनी वही कप्तान हैं जिन्होंने हमें 1983 के बाद पहली बार विश्व चैंपियन बनवाया है। वह भारत के बेहतर और सफलतम कप्तानों में से हैं। इसलिए एक मैच के हार जाने से उनकी क्षमता पर सवाल उठाया जाना और उनकी आलोचना सही नहीं है।’’ हरभजन ने दावा किया कि टीम कोलकाता में 5 दिसंबर से शुरू होने वाले तीसरे टेस्ट मैच में वापसी करने में सफल रहेगी। उन्होंने कहा, ‘‘कोलकाता में अगला मुकाबला है। हमें वहां जीत मिलेगी। लोगों को यह नहीं भूलना चाहिए कि इंग्लैंड को हम भी उनकी सरजमीं पर हरा चुके हैं। इसलिए अगर टीम एक मैच हार जाती है तो इससे कप्तान और खिलाड़ियों को कठघरे में खड़ा करना सही नहीं है।’’ टिप्पणियां खराब फार्म में चल रहे सचिन तेंदुलकर को महान खिलाड़ी करार देते हुए हरभजन ने कहा, ‘‘सचिन का भारत ही नहीं बल्कि विश्व क्रिकेट में अमूल्य योगदान है। वह एक या दो मैच में नहीं चल पाये हैं तो इसके लिए उनकी आलोचना नहीं की जानी चाहिए।’’ हरभजन ने कहा, ‘‘वह लगातार खेलें। यह मेरी इच्छा है और इससे टीम का मनोबल बढ़ता है। कोलकाता का मैदान सचिन का पसंदीदा मैदान है। अगले टेस्ट में उनका प्रदर्शन बेहतर होगा और इससे वह अपने आलोचकों को करारा जवाब देंगे।’’ धोनी ने इंग्लैंड के खिलाफ मुंबई में खेले गए दूसरे टेस्ट मैच में टर्निंग विकेट तैयार करवाया था लेकिन उनका यह दांव उल्टा पड़ गया तथा भारत को दस विकेट से करारी हार झेलनी पड़ी। साथी खिलाड़ी सुरेश रैना के साथ यहां अपनी क्रिकेट अकादमी में आए हरभजन ने कहा कि इसके लिए धोनी की आलोचना करना अनुचित है। हरभजन ने पत्रकारों से कहा, ‘‘मैचों में हार जीत लगी रहती है। एक मैच में हार जाने से खिलाड़ियों की और खास तौर से महेंद्र सिंह धोनी जैसे कप्तान की आलोचना नहीं की जानी चाहिए।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि धोनी वही कप्तान हैं जिन्होंने हमें 1983 के बाद पहली बार विश्व चैंपियन बनवाया है। वह भारत के बेहतर और सफलतम कप्तानों में से हैं। इसलिए एक मैच के हार जाने से उनकी क्षमता पर सवाल उठाया जाना और उनकी आलोचना सही नहीं है।’’ हरभजन ने दावा किया कि टीम कोलकाता में 5 दिसंबर से शुरू होने वाले तीसरे टेस्ट मैच में वापसी करने में सफल रहेगी। उन्होंने कहा, ‘‘कोलकाता में अगला मुकाबला है। हमें वहां जीत मिलेगी। लोगों को यह नहीं भूलना चाहिए कि इंग्लैंड को हम भी उनकी सरजमीं पर हरा चुके हैं। इसलिए अगर टीम एक मैच हार जाती है तो इससे कप्तान और खिलाड़ियों को कठघरे में खड़ा करना सही नहीं है।’’ टिप्पणियां खराब फार्म में चल रहे सचिन तेंदुलकर को महान खिलाड़ी करार देते हुए हरभजन ने कहा, ‘‘सचिन का भारत ही नहीं बल्कि विश्व क्रिकेट में अमूल्य योगदान है। वह एक या दो मैच में नहीं चल पाये हैं तो इसके लिए उनकी आलोचना नहीं की जानी चाहिए।’’ हरभजन ने कहा, ‘‘वह लगातार खेलें। यह मेरी इच्छा है और इससे टीम का मनोबल बढ़ता है। कोलकाता का मैदान सचिन का पसंदीदा मैदान है। अगले टेस्ट में उनका प्रदर्शन बेहतर होगा और इससे वह अपने आलोचकों को करारा जवाब देंगे।’’ हरभजन ने पत्रकारों से कहा, ‘‘मैचों में हार जीत लगी रहती है। एक मैच में हार जाने से खिलाड़ियों की और खास तौर से महेंद्र सिंह धोनी जैसे कप्तान की आलोचना नहीं की जानी चाहिए।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि धोनी वही कप्तान हैं जिन्होंने हमें 1983 के बाद पहली बार विश्व चैंपियन बनवाया है। वह भारत के बेहतर और सफलतम कप्तानों में से हैं। इसलिए एक मैच के हार जाने से उनकी क्षमता पर सवाल उठाया जाना और उनकी आलोचना सही नहीं है।’’ हरभजन ने दावा किया कि टीम कोलकाता में 5 दिसंबर से शुरू होने वाले तीसरे टेस्ट मैच में वापसी करने में सफल रहेगी। उन्होंने कहा, ‘‘कोलकाता में अगला मुकाबला है। हमें वहां जीत मिलेगी। लोगों को यह नहीं भूलना चाहिए कि इंग्लैंड को हम भी उनकी सरजमीं पर हरा चुके हैं। इसलिए अगर टीम एक मैच हार जाती है तो इससे कप्तान और खिलाड़ियों को कठघरे में खड़ा करना सही नहीं है।’’ टिप्पणियां खराब फार्म में चल रहे सचिन तेंदुलकर को महान खिलाड़ी करार देते हुए हरभजन ने कहा, ‘‘सचिन का भारत ही नहीं बल्कि विश्व क्रिकेट में अमूल्य योगदान है। वह एक या दो मैच में नहीं चल पाये हैं तो इसके लिए उनकी आलोचना नहीं की जानी चाहिए।’’ हरभजन ने कहा, ‘‘वह लगातार खेलें। यह मेरी इच्छा है और इससे टीम का मनोबल बढ़ता है। कोलकाता का मैदान सचिन का पसंदीदा मैदान है। अगले टेस्ट में उनका प्रदर्शन बेहतर होगा और इससे वह अपने आलोचकों को करारा जवाब देंगे।’’ हरभजन ने दावा किया कि टीम कोलकाता में 5 दिसंबर से शुरू होने वाले तीसरे टेस्ट मैच में वापसी करने में सफल रहेगी। उन्होंने कहा, ‘‘कोलकाता में अगला मुकाबला है। हमें वहां जीत मिलेगी। लोगों को यह नहीं भूलना चाहिए कि इंग्लैंड को हम भी उनकी सरजमीं पर हरा चुके हैं। इसलिए अगर टीम एक मैच हार जाती है तो इससे कप्तान और खिलाड़ियों को कठघरे में खड़ा करना सही नहीं है।’’ टिप्पणियां खराब फार्म में चल रहे सचिन तेंदुलकर को महान खिलाड़ी करार देते हुए हरभजन ने कहा, ‘‘सचिन का भारत ही नहीं बल्कि विश्व क्रिकेट में अमूल्य योगदान है। वह एक या दो मैच में नहीं चल पाये हैं तो इसके लिए उनकी आलोचना नहीं की जानी चाहिए।’’ हरभजन ने कहा, ‘‘वह लगातार खेलें। यह मेरी इच्छा है और इससे टीम का मनोबल बढ़ता है। कोलकाता का मैदान सचिन का पसंदीदा मैदान है। अगले टेस्ट में उनका प्रदर्शन बेहतर होगा और इससे वह अपने आलोचकों को करारा जवाब देंगे।’’ खराब फार्म में चल रहे सचिन तेंदुलकर को महान खिलाड़ी करार देते हुए हरभजन ने कहा, ‘‘सचिन का भारत ही नहीं बल्कि विश्व क्रिकेट में अमूल्य योगदान है। वह एक या दो मैच में नहीं चल पाये हैं तो इसके लिए उनकी आलोचना नहीं की जानी चाहिए।’’ हरभजन ने कहा, ‘‘वह लगातार खेलें। यह मेरी इच्छा है और इससे टीम का मनोबल बढ़ता है। कोलकाता का मैदान सचिन का पसंदीदा मैदान है। अगले टेस्ट में उनका प्रदर्शन बेहतर होगा और इससे वह अपने आलोचकों को करारा जवाब देंगे।’’ हरभजन ने कहा, ‘‘वह लगातार खेलें। यह मेरी इच्छा है और इससे टीम का मनोबल बढ़ता है। कोलकाता का मैदान सचिन का पसंदीदा मैदान है। अगले टेस्ट में उनका प्रदर्शन बेहतर होगा और इससे वह अपने आलोचकों को करारा जवाब देंगे।’’
यहाँ एक सारांश है:हरभजन सिंह ने आलोचकों के निशाने पर खड़े कप्तान महेंद्र सिंह धोनी का बचाव करते हुए बुधवार को कहा कि केवल एक मैच में हार से उस कप्तान की आलोचना नहीं की जानी चाहिए जिसकी अगुवाई में टीम विश्व चैंपियन बनी थी।
15
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: सुप्रीम कोर्ट में नई याचिका दाखिल होने के बाद एक हफ्ते के भीतर उसे सुनवाई के लिए लिस्ट किया जाएगा. इसके लिए चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने नया सिस्टम तैयार किया है. नया सिस्टम 4 फरवरी से शुरू होगा. शुक्रवार को लंच के बाद के सत्र में और शनिवार, सोमवार और मंगलवार को प्री-लंच सेशन (यानी दोपहर 1 बजे तक) के सत्यापित ताजा मामले अगले शुक्रवार को सूचीबद्ध किए जाएंगे. जबकि मंगलवार को और बुधवार, गुरुवार और शुक्रवार को दोपहर के भोजन के बाद के सत्र में ताजा मामलों  को अगले सोमवार को सूचीबद्ध किया जाएगा. सोमवार के लिए अंतिम कॉज लिस्ट पिछले सप्ताह के शुक्रवार को वेबसाइट पर अपलोड की जाएगी और मंगलवार को उसी सप्ताह के शुक्रवार को सुनवाई की कॉज लिस्ट अपलोड होगी. इससे पहले सीजेआई ने कहा था कि वे ऐसा सिस्टम तैयार कर रहे हैं जिससे कोर्ट में मामले की जल्द सुनवाई के लिए मेंशनिंग की जरूरत न पड़े क्योंकि इससे कोर्ट का वक्त बर्बाद होता है.
चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने नया सिस्टम तैयार किया सोमवार के लिए अंतिम कॉज लिस्ट बीते शुक्रवार को अपलोड होगी मामले की जल्द सुनवाई के लिए मेंशनिंग की जरूरत नहीं पड़ेगी
28
['hin']
एक सारांश बनाओ: पंजाब के मोगा जिला निवासी महिला के साथ 18 जनवरी को अपहरण और सामूहिक दुष्कर्म के मामले ने सोमवार को नया मोड़ ले लिया। पुलिस ने कहा है कि पीड़िता हत्या के प्रयास के एक मामले में जमानत पर है। पीड़िता के खिलाफ एक शादीशुदा महिला को एचआईवी दूषित रक्त चढ़ाने का आरोप है। 20 वर्षीय पीड़िता पेशे से नर्स है। उसने आरोप लगाया है कि शुक्रवार को उसका अपहरण कर लिया गया और दो दिनों तक दुष्कर्म के बाद उसे रविवार को यहां सड़क के किनारे फेंक दिया गया। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि हमलावरों ने उसकी फिल्म भी बनाई। उसे बठिंडा-डबवाली सड़क पर राहगीरों ने देखा और पुलिस को सूचना दी। सिविल अस्पताल के चिकित्सकों ने उसके साथ दुष्कर्म की पुष्टि की है। अब पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि वे इस मामले के दूसरे पहलू पर भी विचार कर रहे हैं क्योंकि पीड़िता और उसके प्रेमी सुनील कुमार के खिलाफ हत्या के प्रयास का मामला दर्ज है। आरोप है कि सुनील कुमार ने पीड़िता की मदद से अपनी पत्नी को पिछले साल मार्च में एचआईवी दूषित रक्त चढ़वा दिया था। पुलिस सूत्रों का कहना है सुनील और दुष्कर्म पीड़िता के बीच संबंध बन गए थे और दोनों शादी करना चाहते थे, लेकिन सुनील की पत्नी ने उसे तलाक देने से मना कर दिया था। दूषित रक्त चढ़ाने के मामले में सुनील अभी तक जेल में है, जबकि पीड़िता को जमानत मिल गई है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि हम सभी पहलुओं पर ध्यान दे रहे हैं। दुष्कर्म मामले की जांच कर रहे पुलिस अधिकारियों के अनुसार पीड़िता ने बताया है कि वह एक निजी अस्पताल में नर्स की नौकरी का साक्षात्कार देने के लिए शुक्रवार को चंडीगढ़ गई थी।टिप्पणियां पुलिस अधिकारियों ने कहा, "जिस समय वह सेक्टर 43 में अंतर्राज्यीय बस अड्डे पर खड़ी थी, उसी समय एक मारुति स्विफ्ट कार उसके पास आकर रुकी और उसमें बैठे लोगों ने रास्ते के बारे में उससे पूछताछ की। पीड़िता ने बताया कि कार में दो पुरुष एक महिला के साथ बैठे थे और उन्होंने उसे कार के अंदर खींच लिया।" पुलिस अधिकारी ने बताया, महिला ने कहा कि उसे एक इंजेक्शन लगाया गया और वह बेहोश हो गई। जब उसे होश आया तो देखा कि दोनों व्यक्ति उसका एमएमएस बना रहे थे। उसने आरोप लगाया कि उन लोगों ने उसके साथ दुष्कर्म किया। 20 वर्षीय पीड़िता पेशे से नर्स है। उसने आरोप लगाया है कि शुक्रवार को उसका अपहरण कर लिया गया और दो दिनों तक दुष्कर्म के बाद उसे रविवार को यहां सड़क के किनारे फेंक दिया गया। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि हमलावरों ने उसकी फिल्म भी बनाई। उसे बठिंडा-डबवाली सड़क पर राहगीरों ने देखा और पुलिस को सूचना दी। सिविल अस्पताल के चिकित्सकों ने उसके साथ दुष्कर्म की पुष्टि की है। अब पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि वे इस मामले के दूसरे पहलू पर भी विचार कर रहे हैं क्योंकि पीड़िता और उसके प्रेमी सुनील कुमार के खिलाफ हत्या के प्रयास का मामला दर्ज है। आरोप है कि सुनील कुमार ने पीड़िता की मदद से अपनी पत्नी को पिछले साल मार्च में एचआईवी दूषित रक्त चढ़वा दिया था। पुलिस सूत्रों का कहना है सुनील और दुष्कर्म पीड़िता के बीच संबंध बन गए थे और दोनों शादी करना चाहते थे, लेकिन सुनील की पत्नी ने उसे तलाक देने से मना कर दिया था। दूषित रक्त चढ़ाने के मामले में सुनील अभी तक जेल में है, जबकि पीड़िता को जमानत मिल गई है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि हम सभी पहलुओं पर ध्यान दे रहे हैं। दुष्कर्म मामले की जांच कर रहे पुलिस अधिकारियों के अनुसार पीड़िता ने बताया है कि वह एक निजी अस्पताल में नर्स की नौकरी का साक्षात्कार देने के लिए शुक्रवार को चंडीगढ़ गई थी।टिप्पणियां पुलिस अधिकारियों ने कहा, "जिस समय वह सेक्टर 43 में अंतर्राज्यीय बस अड्डे पर खड़ी थी, उसी समय एक मारुति स्विफ्ट कार उसके पास आकर रुकी और उसमें बैठे लोगों ने रास्ते के बारे में उससे पूछताछ की। पीड़िता ने बताया कि कार में दो पुरुष एक महिला के साथ बैठे थे और उन्होंने उसे कार के अंदर खींच लिया।" पुलिस अधिकारी ने बताया, महिला ने कहा कि उसे एक इंजेक्शन लगाया गया और वह बेहोश हो गई। जब उसे होश आया तो देखा कि दोनों व्यक्ति उसका एमएमएस बना रहे थे। उसने आरोप लगाया कि उन लोगों ने उसके साथ दुष्कर्म किया। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि हमलावरों ने उसकी फिल्म भी बनाई। उसे बठिंडा-डबवाली सड़क पर राहगीरों ने देखा और पुलिस को सूचना दी। सिविल अस्पताल के चिकित्सकों ने उसके साथ दुष्कर्म की पुष्टि की है। अब पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि वे इस मामले के दूसरे पहलू पर भी विचार कर रहे हैं क्योंकि पीड़िता और उसके प्रेमी सुनील कुमार के खिलाफ हत्या के प्रयास का मामला दर्ज है। आरोप है कि सुनील कुमार ने पीड़िता की मदद से अपनी पत्नी को पिछले साल मार्च में एचआईवी दूषित रक्त चढ़वा दिया था। पुलिस सूत्रों का कहना है सुनील और दुष्कर्म पीड़िता के बीच संबंध बन गए थे और दोनों शादी करना चाहते थे, लेकिन सुनील की पत्नी ने उसे तलाक देने से मना कर दिया था। दूषित रक्त चढ़ाने के मामले में सुनील अभी तक जेल में है, जबकि पीड़िता को जमानत मिल गई है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि हम सभी पहलुओं पर ध्यान दे रहे हैं। दुष्कर्म मामले की जांच कर रहे पुलिस अधिकारियों के अनुसार पीड़िता ने बताया है कि वह एक निजी अस्पताल में नर्स की नौकरी का साक्षात्कार देने के लिए शुक्रवार को चंडीगढ़ गई थी।टिप्पणियां पुलिस अधिकारियों ने कहा, "जिस समय वह सेक्टर 43 में अंतर्राज्यीय बस अड्डे पर खड़ी थी, उसी समय एक मारुति स्विफ्ट कार उसके पास आकर रुकी और उसमें बैठे लोगों ने रास्ते के बारे में उससे पूछताछ की। पीड़िता ने बताया कि कार में दो पुरुष एक महिला के साथ बैठे थे और उन्होंने उसे कार के अंदर खींच लिया।" पुलिस अधिकारी ने बताया, महिला ने कहा कि उसे एक इंजेक्शन लगाया गया और वह बेहोश हो गई। जब उसे होश आया तो देखा कि दोनों व्यक्ति उसका एमएमएस बना रहे थे। उसने आरोप लगाया कि उन लोगों ने उसके साथ दुष्कर्म किया। अब पुलिस अधिकारियों ने कहा है कि वे इस मामले के दूसरे पहलू पर भी विचार कर रहे हैं क्योंकि पीड़िता और उसके प्रेमी सुनील कुमार के खिलाफ हत्या के प्रयास का मामला दर्ज है। आरोप है कि सुनील कुमार ने पीड़िता की मदद से अपनी पत्नी को पिछले साल मार्च में एचआईवी दूषित रक्त चढ़वा दिया था। पुलिस सूत्रों का कहना है सुनील और दुष्कर्म पीड़िता के बीच संबंध बन गए थे और दोनों शादी करना चाहते थे, लेकिन सुनील की पत्नी ने उसे तलाक देने से मना कर दिया था। दूषित रक्त चढ़ाने के मामले में सुनील अभी तक जेल में है, जबकि पीड़िता को जमानत मिल गई है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि हम सभी पहलुओं पर ध्यान दे रहे हैं। दुष्कर्म मामले की जांच कर रहे पुलिस अधिकारियों के अनुसार पीड़िता ने बताया है कि वह एक निजी अस्पताल में नर्स की नौकरी का साक्षात्कार देने के लिए शुक्रवार को चंडीगढ़ गई थी।टिप्पणियां पुलिस अधिकारियों ने कहा, "जिस समय वह सेक्टर 43 में अंतर्राज्यीय बस अड्डे पर खड़ी थी, उसी समय एक मारुति स्विफ्ट कार उसके पास आकर रुकी और उसमें बैठे लोगों ने रास्ते के बारे में उससे पूछताछ की। पीड़िता ने बताया कि कार में दो पुरुष एक महिला के साथ बैठे थे और उन्होंने उसे कार के अंदर खींच लिया।" पुलिस अधिकारी ने बताया, महिला ने कहा कि उसे एक इंजेक्शन लगाया गया और वह बेहोश हो गई। जब उसे होश आया तो देखा कि दोनों व्यक्ति उसका एमएमएस बना रहे थे। उसने आरोप लगाया कि उन लोगों ने उसके साथ दुष्कर्म किया। पुलिस सूत्रों का कहना है सुनील और दुष्कर्म पीड़िता के बीच संबंध बन गए थे और दोनों शादी करना चाहते थे, लेकिन सुनील की पत्नी ने उसे तलाक देने से मना कर दिया था। दूषित रक्त चढ़ाने के मामले में सुनील अभी तक जेल में है, जबकि पीड़िता को जमानत मिल गई है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि हम सभी पहलुओं पर ध्यान दे रहे हैं। दुष्कर्म मामले की जांच कर रहे पुलिस अधिकारियों के अनुसार पीड़िता ने बताया है कि वह एक निजी अस्पताल में नर्स की नौकरी का साक्षात्कार देने के लिए शुक्रवार को चंडीगढ़ गई थी।टिप्पणियां पुलिस अधिकारियों ने कहा, "जिस समय वह सेक्टर 43 में अंतर्राज्यीय बस अड्डे पर खड़ी थी, उसी समय एक मारुति स्विफ्ट कार उसके पास आकर रुकी और उसमें बैठे लोगों ने रास्ते के बारे में उससे पूछताछ की। पीड़िता ने बताया कि कार में दो पुरुष एक महिला के साथ बैठे थे और उन्होंने उसे कार के अंदर खींच लिया।" पुलिस अधिकारी ने बताया, महिला ने कहा कि उसे एक इंजेक्शन लगाया गया और वह बेहोश हो गई। जब उसे होश आया तो देखा कि दोनों व्यक्ति उसका एमएमएस बना रहे थे। उसने आरोप लगाया कि उन लोगों ने उसके साथ दुष्कर्म किया। दूषित रक्त चढ़ाने के मामले में सुनील अभी तक जेल में है, जबकि पीड़िता को जमानत मिल गई है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि हम सभी पहलुओं पर ध्यान दे रहे हैं। दुष्कर्म मामले की जांच कर रहे पुलिस अधिकारियों के अनुसार पीड़िता ने बताया है कि वह एक निजी अस्पताल में नर्स की नौकरी का साक्षात्कार देने के लिए शुक्रवार को चंडीगढ़ गई थी।टिप्पणियां पुलिस अधिकारियों ने कहा, "जिस समय वह सेक्टर 43 में अंतर्राज्यीय बस अड्डे पर खड़ी थी, उसी समय एक मारुति स्विफ्ट कार उसके पास आकर रुकी और उसमें बैठे लोगों ने रास्ते के बारे में उससे पूछताछ की। पीड़िता ने बताया कि कार में दो पुरुष एक महिला के साथ बैठे थे और उन्होंने उसे कार के अंदर खींच लिया।" पुलिस अधिकारी ने बताया, महिला ने कहा कि उसे एक इंजेक्शन लगाया गया और वह बेहोश हो गई। जब उसे होश आया तो देखा कि दोनों व्यक्ति उसका एमएमएस बना रहे थे। उसने आरोप लगाया कि उन लोगों ने उसके साथ दुष्कर्म किया। दुष्कर्म मामले की जांच कर रहे पुलिस अधिकारियों के अनुसार पीड़िता ने बताया है कि वह एक निजी अस्पताल में नर्स की नौकरी का साक्षात्कार देने के लिए शुक्रवार को चंडीगढ़ गई थी।टिप्पणियां पुलिस अधिकारियों ने कहा, "जिस समय वह सेक्टर 43 में अंतर्राज्यीय बस अड्डे पर खड़ी थी, उसी समय एक मारुति स्विफ्ट कार उसके पास आकर रुकी और उसमें बैठे लोगों ने रास्ते के बारे में उससे पूछताछ की। पीड़िता ने बताया कि कार में दो पुरुष एक महिला के साथ बैठे थे और उन्होंने उसे कार के अंदर खींच लिया।" पुलिस अधिकारी ने बताया, महिला ने कहा कि उसे एक इंजेक्शन लगाया गया और वह बेहोश हो गई। जब उसे होश आया तो देखा कि दोनों व्यक्ति उसका एमएमएस बना रहे थे। उसने आरोप लगाया कि उन लोगों ने उसके साथ दुष्कर्म किया। पुलिस अधिकारियों ने कहा, "जिस समय वह सेक्टर 43 में अंतर्राज्यीय बस अड्डे पर खड़ी थी, उसी समय एक मारुति स्विफ्ट कार उसके पास आकर रुकी और उसमें बैठे लोगों ने रास्ते के बारे में उससे पूछताछ की। पीड़िता ने बताया कि कार में दो पुरुष एक महिला के साथ बैठे थे और उन्होंने उसे कार के अंदर खींच लिया।" पुलिस अधिकारी ने बताया, महिला ने कहा कि उसे एक इंजेक्शन लगाया गया और वह बेहोश हो गई। जब उसे होश आया तो देखा कि दोनों व्यक्ति उसका एमएमएस बना रहे थे। उसने आरोप लगाया कि उन लोगों ने उसके साथ दुष्कर्म किया। पुलिस अधिकारी ने बताया, महिला ने कहा कि उसे एक इंजेक्शन लगाया गया और वह बेहोश हो गई। जब उसे होश आया तो देखा कि दोनों व्यक्ति उसका एमएमएस बना रहे थे। उसने आरोप लगाया कि उन लोगों ने उसके साथ दुष्कर्म किया।
यह एक सारांश है: पुलिस ने कहा है कि पीड़िता हत्या के प्रयास के एक मामले में जमानत पर है। पीड़िता के खिलाफ एक शादीशुदा महिला को एचआईवी दूषित रक्त चढ़ाने का आरोप है।
21
['hin']
इस के लिए एक सारांश बनाएं: अमेरिका के एक रक्षा अधिकारी ने कहा है कि पाकिस्तान में आतंकी पनाहगाहों की लगातार मौजूदगी और कुछ संगठनों की भूमिका आतंकवाद के खिलाफ युद्ध में एक चुनौती बनी हुई है। रक्षा अधिकारी ने पेंटागन में एक ब्रीफिंग में कहा कि पाकिस्तान में आतंकी पनाहगाहों और हक्कानी नेटवर्क तथा अफगान तालिबान सहित कुछ संगठनों की भूमिका चिंता का विषय है और यह एक चुनौती बनी हुई है। अधिकारी ने कहा कि पेंटागन ने अफगानिस्तान में प्रगति को लेकर कांग्रेस को छमाही रिपोर्ट भेजी है। उन्होंने कहा कि अमेरिका सीमा पर पाकिस्तानियों से और ज्यादा सहयोग की उम्मीद करता है। पेंटागन ने कांग्रेस को भेजी गई अपनी रिपोर्ट प्रोग्रेस टूवार्ड्स सिक्योरिटी एंड स्टेबिलिटी इन अफगानिस्तान में कुछ क्षेत्रों में प्रगति की बात कही है, लेकिन यह भी कहा है कि पारस्परिक हित और पारस्परिक विश्वास पर आधारित अमेरिका-पाकिस्तान की रणनीतिक भागीदारी को दीर्घकालीन बनाए रखने में कुछ बाधाएं हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि अमेरिका-पाकिस्तान संबंधों के इतिहास को दोनों ओर नकारात्मक नजरिए से देखा जाता रहा है।
एक अमेरिकी रक्षा अधिकारी ने कहा कि पाक में आतंकी पनाहगाहों की मौजूदगी और कुछ संगठनों की भूमिका आतंकवाद के खिलाफ युद्ध में चुनौती बनी हुई है।
28
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: चीन के साथ भूटान के क्षेत्र डोकलाम पर चल रहे विवाद में भारत की ओर से स्पष्ट संकेत हैं कि वह पीछे नहीं हट सकता. इस मुद्दे पर भारत का स्टैंड साफ है. वहां पर चीन को सड़क बनाने नहीं दिया जाएगा. आज की ताजा स्थिति पर रक्षा सूत्रों ने बताया कि दोनों से 60-70 सैनिकों की टुकड़ी मौके पर आमने सामने डटी है. यह टुकड़ियां करीब 100 मीटर की दूरी पर हैं. सूत्रों का यह भी कहना है कि दोनों ओर की सेनाएं भी यहां से 10-15 किलोमीटर की दूरी पर तैनात हैं. जानकारी के लिए बता दें कि भूटान की धरती पर यह पहली बार है कि भारत ने इस प्रकार का कड़ा रुख अपनाया है. इससे पहले 1986 में सुंदरम स्थान पर दोनों देश की सेनाएं सबसे ज्यादा दिनों तक एक दूसरे के सामने जमीं रहीं. खबर आ रही है कि 26 जुलाई को भारतीय एनएसए अजित डोभाल चीन की यात्रा पर जा रहे हैं और यहां पर वह अपने समकक्ष से बातचीत कर सकते हैं. डोभाल ब्रिक्स देशों के एनएसए की बैठक में हिस्सा लेने जा रहे हैं. यह बैठक बीजिंग में होनी है. उसमें यह तय नहीं है कि ये अलग से मिलेंगे. तब तक माना जा रहा है कि दोनों देशों के बीच इस मसले पर बर्फ पिघलने की कोई उम्मीद नहीं है.  डोकलाम विवाद मामले को भारत रणनीतिक तौर पर डील कर रहा है. संसद में मुद्दा उठेगा. विपक्ष यह मुद्दा उठाएगा. भारत की ओर से केवल विदेश मंत्रालय ही बयान देगा. उल्लेखनीय है कि चीन के काफी बयान के बाद ही विदेश मंत्रालय की ओर से लिखित बयान जारी किया गया था. इस में चीन के आरोप का जवाब दिया गया. वहीं, चीन के ओर से साफ कर दिया गया है कि जब तक भारत अपनी सेना नहीं हटाएगा तब तक कोई बातचीत नहीं होगी. जिस जगह पर विवाद हो रहा है, वहां पर भारत की अच्छी रणनीतिक पोजिशन है. गृहमंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक में विदेश सचिव एस जयशंकर ने इसके सामरिक और रणनीतिक महत्व को बताते हुए सभी को स्थिति स्पष्ट कर दी. वहीं रक्षा मंत्रालय के सूत्रों का कहना है कि जरूरत पड़ी तो डोकलाम में भारत और सेना भेजने के लिए तैयार है. ऐसे में भारत और चीन के बीच दोकलम पर चल रही तनातनी के कुछ दिन चलने के आसार हैं. रक्षा विभाग के सूत्रों का कहना है कि जब तक चीन के सैनिक सड़क निर्माण से पीछे नहीं हटते, भारतीय सैनिक नॉन काम्बैट मोड में डोकलाम में डटे रहेंगे.  आखिर भारतीय सेना भूटान की जमीं पर क्यों है? डोकलम भूटान का भूभाग है. भारत ने भूटान को उसके सीमाक्षेत्र की सुरक्षा की गारंटी दे रखी है. मौजूदा समय में भारतीय सेना भूटान के क्षेत्र में डोकलम में जमी हुई है. यह सीमा चीन से लगती है और चीन इसे अपना हिस्सा बताता है. जबकि भूटान का दावा है कि यह क्षेत्र उसका अपना है. इसको लेकर दोनों देशों में विवाद सुलझने तक यथास्थिति बनाए रखने के लिए 1988 और 1998 में दो बार समझौता भी हुआ है. इस विवाद को सुलझाने के लिए चीन और भूटान में वार्ता चल रही थी. इस दौरान चीन के सैनिकों ने पिछले साल की तरह इस बार डोकलम में सड़क निर्माण का कार्य शुरू कर दिया. वे अचानक साजो-सामान लेकर आए और सड़क मार्ग बनाने में जुट गए. भूटान के सैनिकों  ने इसका प्रतिरोध किया, लेकिन सफल नहीं हो पाए.तब उन्होंने भारतीय सेना को इसकी सूचना दी और सेना ने चीन के सैनिकों को निर्माण कार्य करने से रोक दिया है. जून के महीने से ही भारतीय सैनिकों अस्थाई तंबू गाड़कर डोकलम क्षेत्र में डटे हुए हैं. बता दें कि डोकलाम भूटान, चीन और भारत के तिराहे (ट्राईजंक्शन) वाला क्षेत्र है. यह क्षेत्र भारत के लिए भी सामरिक दृष्टि से काफी अहम है. इस रास्ते का प्रयोग करके भारत आसानी से तिब्बत में दाखिल हो सकता है. कभी यह सबसे शांत क्षेत्र था. चीन भी इधर ध्यान नहीं दे रहा था और भारत भी. हिमालयन पठार का यह क्षेत्र चीन के अधिपत्य वाले (स्वायत्तशासी) तिब्बत के चुम्बी वैली से जुड़ता है. चुम्बी वैली के पूर्व में भूटान पश्चिम में सिक्किम है. भौगोलिक दृष्टि से भारत का अंग प्रतीत होती है. यहां से 14 किमी दूर नाथु-लॉ दर्रा है. भारत पर राज करने वाली ब्रिटिश हूकूमत ने कई सालों तक चुम्बी वैली पर कब्जा किया था.   ये भी पढ़ेंडोकलाम सीमा विवाद पर चीनी मीडिया ने कहा, भारतीय सैनिकों को वापस बुलाने तक वार्ता की गुंजाइश नहींकादम्बिनी शर्मा का ब्लॉग : क्या चीन और भारत के बीच तनाव कम होगा...चीन ने फिर कहा, भारतीय सेना डोकलाम से पीछे हटे, यह अब भी 'पहली शर्त' हैसिक्किम में भारत की स्थिति मजबूत, सर्दियों तक जारी रह सकता है चीन से तनावचीनी मीडिया की खोखली धमकी, कहा - पाकिस्तान की ओर से कश्मीर में घुस सकता है चीनडोकलाम में लंबे समय तक बने रहने की तैयारी कर चुकी है भारतीय सेना, दबाव में नहीं झुकेगीबाज नहीं आ रहा चीन, नया नक्शा जारी करके डोकलाम को 'अपना' क्षेत्र बतायाभारत-चीन विवाद : 'चिकन नेक' का चक्‍कर और ड्रैगन के साथ बढ़ती टकराहट भारत के लिए अहम इसलिए है कि पश्चिम बंगाल राज्य को सिलिगुड़ी के रास्ते पूर्वोत्तर (नार्थ-ईस्ट) के राज्यों से जोडऩे वाले संकरे रास्ते से सटा है. दूसरे भारत को चीन से जोड़ने वाले दोनों दर्रे जेलेप और नाथु लॉ दोनों का एक छोर तिब्बत के चुम्बीवैली में खुलता है. चीन ने नाथु-लॉ दर्रे तक फर्राटेदार सड़क का निर्माण कर लिया है.टिप्पणियां ऐसे में इस क्षेत्र में चीन की सीधी धमक और निगरानी भारत के लिए सुरक्षात्मक दृष्टि से बड़ी चिंता का सबब है, क्योंकि युद्ध की स्थिति आने पर चीन की सेनाएं इसके जरिए आसानी से भारत पर आक्रमण कर सकती हैं.   डोकलाम विवाद मामले को भारत रणनीतिक तौर पर डील कर रहा है. संसद में मुद्दा उठेगा. विपक्ष यह मुद्दा उठाएगा. भारत की ओर से केवल विदेश मंत्रालय ही बयान देगा. उल्लेखनीय है कि चीन के काफी बयान के बाद ही विदेश मंत्रालय की ओर से लिखित बयान जारी किया गया था. इस में चीन के आरोप का जवाब दिया गया. वहीं, चीन के ओर से साफ कर दिया गया है कि जब तक भारत अपनी सेना नहीं हटाएगा तब तक कोई बातचीत नहीं होगी. जिस जगह पर विवाद हो रहा है, वहां पर भारत की अच्छी रणनीतिक पोजिशन है. गृहमंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक में विदेश सचिव एस जयशंकर ने इसके सामरिक और रणनीतिक महत्व को बताते हुए सभी को स्थिति स्पष्ट कर दी. वहीं रक्षा मंत्रालय के सूत्रों का कहना है कि जरूरत पड़ी तो डोकलाम में भारत और सेना भेजने के लिए तैयार है. ऐसे में भारत और चीन के बीच दोकलम पर चल रही तनातनी के कुछ दिन चलने के आसार हैं. रक्षा विभाग के सूत्रों का कहना है कि जब तक चीन के सैनिक सड़क निर्माण से पीछे नहीं हटते, भारतीय सैनिक नॉन काम्बैट मोड में डोकलाम में डटे रहेंगे.  आखिर भारतीय सेना भूटान की जमीं पर क्यों है? डोकलम भूटान का भूभाग है. भारत ने भूटान को उसके सीमाक्षेत्र की सुरक्षा की गारंटी दे रखी है. मौजूदा समय में भारतीय सेना भूटान के क्षेत्र में डोकलम में जमी हुई है. यह सीमा चीन से लगती है और चीन इसे अपना हिस्सा बताता है. जबकि भूटान का दावा है कि यह क्षेत्र उसका अपना है. इसको लेकर दोनों देशों में विवाद सुलझने तक यथास्थिति बनाए रखने के लिए 1988 और 1998 में दो बार समझौता भी हुआ है. इस विवाद को सुलझाने के लिए चीन और भूटान में वार्ता चल रही थी. इस दौरान चीन के सैनिकों ने पिछले साल की तरह इस बार डोकलम में सड़क निर्माण का कार्य शुरू कर दिया. वे अचानक साजो-सामान लेकर आए और सड़क मार्ग बनाने में जुट गए. भूटान के सैनिकों  ने इसका प्रतिरोध किया, लेकिन सफल नहीं हो पाए.तब उन्होंने भारतीय सेना को इसकी सूचना दी और सेना ने चीन के सैनिकों को निर्माण कार्य करने से रोक दिया है. जून के महीने से ही भारतीय सैनिकों अस्थाई तंबू गाड़कर डोकलम क्षेत्र में डटे हुए हैं. बता दें कि डोकलाम भूटान, चीन और भारत के तिराहे (ट्राईजंक्शन) वाला क्षेत्र है. यह क्षेत्र भारत के लिए भी सामरिक दृष्टि से काफी अहम है. इस रास्ते का प्रयोग करके भारत आसानी से तिब्बत में दाखिल हो सकता है. कभी यह सबसे शांत क्षेत्र था. चीन भी इधर ध्यान नहीं दे रहा था और भारत भी. हिमालयन पठार का यह क्षेत्र चीन के अधिपत्य वाले (स्वायत्तशासी) तिब्बत के चुम्बी वैली से जुड़ता है. चुम्बी वैली के पूर्व में भूटान पश्चिम में सिक्किम है. भौगोलिक दृष्टि से भारत का अंग प्रतीत होती है. यहां से 14 किमी दूर नाथु-लॉ दर्रा है. भारत पर राज करने वाली ब्रिटिश हूकूमत ने कई सालों तक चुम्बी वैली पर कब्जा किया था.   ये भी पढ़ेंडोकलाम सीमा विवाद पर चीनी मीडिया ने कहा, भारतीय सैनिकों को वापस बुलाने तक वार्ता की गुंजाइश नहींकादम्बिनी शर्मा का ब्लॉग : क्या चीन और भारत के बीच तनाव कम होगा...चीन ने फिर कहा, भारतीय सेना डोकलाम से पीछे हटे, यह अब भी 'पहली शर्त' हैसिक्किम में भारत की स्थिति मजबूत, सर्दियों तक जारी रह सकता है चीन से तनावचीनी मीडिया की खोखली धमकी, कहा - पाकिस्तान की ओर से कश्मीर में घुस सकता है चीनडोकलाम में लंबे समय तक बने रहने की तैयारी कर चुकी है भारतीय सेना, दबाव में नहीं झुकेगीबाज नहीं आ रहा चीन, नया नक्शा जारी करके डोकलाम को 'अपना' क्षेत्र बतायाभारत-चीन विवाद : 'चिकन नेक' का चक्‍कर और ड्रैगन के साथ बढ़ती टकराहट भारत के लिए अहम इसलिए है कि पश्चिम बंगाल राज्य को सिलिगुड़ी के रास्ते पूर्वोत्तर (नार्थ-ईस्ट) के राज्यों से जोडऩे वाले संकरे रास्ते से सटा है. दूसरे भारत को चीन से जोड़ने वाले दोनों दर्रे जेलेप और नाथु लॉ दोनों का एक छोर तिब्बत के चुम्बीवैली में खुलता है. चीन ने नाथु-लॉ दर्रे तक फर्राटेदार सड़क का निर्माण कर लिया है.टिप्पणियां ऐसे में इस क्षेत्र में चीन की सीधी धमक और निगरानी भारत के लिए सुरक्षात्मक दृष्टि से बड़ी चिंता का सबब है, क्योंकि युद्ध की स्थिति आने पर चीन की सेनाएं इसके जरिए आसानी से भारत पर आक्रमण कर सकती हैं.   गृहमंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक में विदेश सचिव एस जयशंकर ने इसके सामरिक और रणनीतिक महत्व को बताते हुए सभी को स्थिति स्पष्ट कर दी. वहीं रक्षा मंत्रालय के सूत्रों का कहना है कि जरूरत पड़ी तो डोकलाम में भारत और सेना भेजने के लिए तैयार है. ऐसे में भारत और चीन के बीच दोकलम पर चल रही तनातनी के कुछ दिन चलने के आसार हैं. रक्षा विभाग के सूत्रों का कहना है कि जब तक चीन के सैनिक सड़क निर्माण से पीछे नहीं हटते, भारतीय सैनिक नॉन काम्बैट मोड में डोकलाम में डटे रहेंगे.  आखिर भारतीय सेना भूटान की जमीं पर क्यों है? डोकलम भूटान का भूभाग है. भारत ने भूटान को उसके सीमाक्षेत्र की सुरक्षा की गारंटी दे रखी है. मौजूदा समय में भारतीय सेना भूटान के क्षेत्र में डोकलम में जमी हुई है. यह सीमा चीन से लगती है और चीन इसे अपना हिस्सा बताता है. जबकि भूटान का दावा है कि यह क्षेत्र उसका अपना है. इसको लेकर दोनों देशों में विवाद सुलझने तक यथास्थिति बनाए रखने के लिए 1988 और 1998 में दो बार समझौता भी हुआ है. इस विवाद को सुलझाने के लिए चीन और भूटान में वार्ता चल रही थी. इस दौरान चीन के सैनिकों ने पिछले साल की तरह इस बार डोकलम में सड़क निर्माण का कार्य शुरू कर दिया. वे अचानक साजो-सामान लेकर आए और सड़क मार्ग बनाने में जुट गए. भूटान के सैनिकों  ने इसका प्रतिरोध किया, लेकिन सफल नहीं हो पाए.तब उन्होंने भारतीय सेना को इसकी सूचना दी और सेना ने चीन के सैनिकों को निर्माण कार्य करने से रोक दिया है. जून के महीने से ही भारतीय सैनिकों अस्थाई तंबू गाड़कर डोकलम क्षेत्र में डटे हुए हैं. बता दें कि डोकलाम भूटान, चीन और भारत के तिराहे (ट्राईजंक्शन) वाला क्षेत्र है. यह क्षेत्र भारत के लिए भी सामरिक दृष्टि से काफी अहम है. इस रास्ते का प्रयोग करके भारत आसानी से तिब्बत में दाखिल हो सकता है. कभी यह सबसे शांत क्षेत्र था. चीन भी इधर ध्यान नहीं दे रहा था और भारत भी. हिमालयन पठार का यह क्षेत्र चीन के अधिपत्य वाले (स्वायत्तशासी) तिब्बत के चुम्बी वैली से जुड़ता है. चुम्बी वैली के पूर्व में भूटान पश्चिम में सिक्किम है. भौगोलिक दृष्टि से भारत का अंग प्रतीत होती है. यहां से 14 किमी दूर नाथु-लॉ दर्रा है. भारत पर राज करने वाली ब्रिटिश हूकूमत ने कई सालों तक चुम्बी वैली पर कब्जा किया था.   ये भी पढ़ेंडोकलाम सीमा विवाद पर चीनी मीडिया ने कहा, भारतीय सैनिकों को वापस बुलाने तक वार्ता की गुंजाइश नहींकादम्बिनी शर्मा का ब्लॉग : क्या चीन और भारत के बीच तनाव कम होगा...चीन ने फिर कहा, भारतीय सेना डोकलाम से पीछे हटे, यह अब भी 'पहली शर्त' हैसिक्किम में भारत की स्थिति मजबूत, सर्दियों तक जारी रह सकता है चीन से तनावचीनी मीडिया की खोखली धमकी, कहा - पाकिस्तान की ओर से कश्मीर में घुस सकता है चीनडोकलाम में लंबे समय तक बने रहने की तैयारी कर चुकी है भारतीय सेना, दबाव में नहीं झुकेगीबाज नहीं आ रहा चीन, नया नक्शा जारी करके डोकलाम को 'अपना' क्षेत्र बतायाभारत-चीन विवाद : 'चिकन नेक' का चक्‍कर और ड्रैगन के साथ बढ़ती टकराहट भारत के लिए अहम इसलिए है कि पश्चिम बंगाल राज्य को सिलिगुड़ी के रास्ते पूर्वोत्तर (नार्थ-ईस्ट) के राज्यों से जोडऩे वाले संकरे रास्ते से सटा है. दूसरे भारत को चीन से जोड़ने वाले दोनों दर्रे जेलेप और नाथु लॉ दोनों का एक छोर तिब्बत के चुम्बीवैली में खुलता है. चीन ने नाथु-लॉ दर्रे तक फर्राटेदार सड़क का निर्माण कर लिया है.टिप्पणियां ऐसे में इस क्षेत्र में चीन की सीधी धमक और निगरानी भारत के लिए सुरक्षात्मक दृष्टि से बड़ी चिंता का सबब है, क्योंकि युद्ध की स्थिति आने पर चीन की सेनाएं इसके जरिए आसानी से भारत पर आक्रमण कर सकती हैं.   रक्षा विभाग के सूत्रों का कहना है कि जब तक चीन के सैनिक सड़क निर्माण से पीछे नहीं हटते, भारतीय सैनिक नॉन काम्बैट मोड में डोकलाम में डटे रहेंगे.  आखिर भारतीय सेना भूटान की जमीं पर क्यों है? डोकलम भूटान का भूभाग है. भारत ने भूटान को उसके सीमाक्षेत्र की सुरक्षा की गारंटी दे रखी है. मौजूदा समय में भारतीय सेना भूटान के क्षेत्र में डोकलम में जमी हुई है. यह सीमा चीन से लगती है और चीन इसे अपना हिस्सा बताता है. जबकि भूटान का दावा है कि यह क्षेत्र उसका अपना है. इसको लेकर दोनों देशों में विवाद सुलझने तक यथास्थिति बनाए रखने के लिए 1988 और 1998 में दो बार समझौता भी हुआ है. इस विवाद को सुलझाने के लिए चीन और भूटान में वार्ता चल रही थी. इस दौरान चीन के सैनिकों ने पिछले साल की तरह इस बार डोकलम में सड़क निर्माण का कार्य शुरू कर दिया. वे अचानक साजो-सामान लेकर आए और सड़क मार्ग बनाने में जुट गए. भूटान के सैनिकों  ने इसका प्रतिरोध किया, लेकिन सफल नहीं हो पाए.तब उन्होंने भारतीय सेना को इसकी सूचना दी और सेना ने चीन के सैनिकों को निर्माण कार्य करने से रोक दिया है. जून के महीने से ही भारतीय सैनिकों अस्थाई तंबू गाड़कर डोकलम क्षेत्र में डटे हुए हैं. बता दें कि डोकलाम भूटान, चीन और भारत के तिराहे (ट्राईजंक्शन) वाला क्षेत्र है. यह क्षेत्र भारत के लिए भी सामरिक दृष्टि से काफी अहम है. इस रास्ते का प्रयोग करके भारत आसानी से तिब्बत में दाखिल हो सकता है. कभी यह सबसे शांत क्षेत्र था. चीन भी इधर ध्यान नहीं दे रहा था और भारत भी. हिमालयन पठार का यह क्षेत्र चीन के अधिपत्य वाले (स्वायत्तशासी) तिब्बत के चुम्बी वैली से जुड़ता है. चुम्बी वैली के पूर्व में भूटान पश्चिम में सिक्किम है. भौगोलिक दृष्टि से भारत का अंग प्रतीत होती है. यहां से 14 किमी दूर नाथु-लॉ दर्रा है. भारत पर राज करने वाली ब्रिटिश हूकूमत ने कई सालों तक चुम्बी वैली पर कब्जा किया था.   ये भी पढ़ेंडोकलाम सीमा विवाद पर चीनी मीडिया ने कहा, भारतीय सैनिकों को वापस बुलाने तक वार्ता की गुंजाइश नहींकादम्बिनी शर्मा का ब्लॉग : क्या चीन और भारत के बीच तनाव कम होगा...चीन ने फिर कहा, भारतीय सेना डोकलाम से पीछे हटे, यह अब भी 'पहली शर्त' हैसिक्किम में भारत की स्थिति मजबूत, सर्दियों तक जारी रह सकता है चीन से तनावचीनी मीडिया की खोखली धमकी, कहा - पाकिस्तान की ओर से कश्मीर में घुस सकता है चीनडोकलाम में लंबे समय तक बने रहने की तैयारी कर चुकी है भारतीय सेना, दबाव में नहीं झुकेगीबाज नहीं आ रहा चीन, नया नक्शा जारी करके डोकलाम को 'अपना' क्षेत्र बतायाभारत-चीन विवाद : 'चिकन नेक' का चक्‍कर और ड्रैगन के साथ बढ़ती टकराहट भारत के लिए अहम इसलिए है कि पश्चिम बंगाल राज्य को सिलिगुड़ी के रास्ते पूर्वोत्तर (नार्थ-ईस्ट) के राज्यों से जोडऩे वाले संकरे रास्ते से सटा है. दूसरे भारत को चीन से जोड़ने वाले दोनों दर्रे जेलेप और नाथु लॉ दोनों का एक छोर तिब्बत के चुम्बीवैली में खुलता है. चीन ने नाथु-लॉ दर्रे तक फर्राटेदार सड़क का निर्माण कर लिया है.टिप्पणियां ऐसे में इस क्षेत्र में चीन की सीधी धमक और निगरानी भारत के लिए सुरक्षात्मक दृष्टि से बड़ी चिंता का सबब है, क्योंकि युद्ध की स्थिति आने पर चीन की सेनाएं इसके जरिए आसानी से भारत पर आक्रमण कर सकती हैं.   आखिर भारतीय सेना भूटान की जमीं पर क्यों है? डोकलम भूटान का भूभाग है. भारत ने भूटान को उसके सीमाक्षेत्र की सुरक्षा की गारंटी दे रखी है. मौजूदा समय में भारतीय सेना भूटान के क्षेत्र में डोकलम में जमी हुई है. यह सीमा चीन से लगती है और चीन इसे अपना हिस्सा बताता है. जबकि भूटान का दावा है कि यह क्षेत्र उसका अपना है. इसको लेकर दोनों देशों में विवाद सुलझने तक यथास्थिति बनाए रखने के लिए 1988 और 1998 में दो बार समझौता भी हुआ है. इस विवाद को सुलझाने के लिए चीन और भूटान में वार्ता चल रही थी. इस दौरान चीन के सैनिकों ने पिछले साल की तरह इस बार डोकलम में सड़क निर्माण का कार्य शुरू कर दिया. वे अचानक साजो-सामान लेकर आए और सड़क मार्ग बनाने में जुट गए. भूटान के सैनिकों  ने इसका प्रतिरोध किया, लेकिन सफल नहीं हो पाए.तब उन्होंने भारतीय सेना को इसकी सूचना दी और सेना ने चीन के सैनिकों को निर्माण कार्य करने से रोक दिया है. जून के महीने से ही भारतीय सैनिकों अस्थाई तंबू गाड़कर डोकलम क्षेत्र में डटे हुए हैं. बता दें कि डोकलाम भूटान, चीन और भारत के तिराहे (ट्राईजंक्शन) वाला क्षेत्र है. यह क्षेत्र भारत के लिए भी सामरिक दृष्टि से काफी अहम है. इस रास्ते का प्रयोग करके भारत आसानी से तिब्बत में दाखिल हो सकता है. कभी यह सबसे शांत क्षेत्र था. चीन भी इधर ध्यान नहीं दे रहा था और भारत भी. हिमालयन पठार का यह क्षेत्र चीन के अधिपत्य वाले (स्वायत्तशासी) तिब्बत के चुम्बी वैली से जुड़ता है. चुम्बी वैली के पूर्व में भूटान पश्चिम में सिक्किम है. भौगोलिक दृष्टि से भारत का अंग प्रतीत होती है. यहां से 14 किमी दूर नाथु-लॉ दर्रा है. भारत पर राज करने वाली ब्रिटिश हूकूमत ने कई सालों तक चुम्बी वैली पर कब्जा किया था.   ये भी पढ़ेंडोकलाम सीमा विवाद पर चीनी मीडिया ने कहा, भारतीय सैनिकों को वापस बुलाने तक वार्ता की गुंजाइश नहींकादम्बिनी शर्मा का ब्लॉग : क्या चीन और भारत के बीच तनाव कम होगा...चीन ने फिर कहा, भारतीय सेना डोकलाम से पीछे हटे, यह अब भी 'पहली शर्त' हैसिक्किम में भारत की स्थिति मजबूत, सर्दियों तक जारी रह सकता है चीन से तनावचीनी मीडिया की खोखली धमकी, कहा - पाकिस्तान की ओर से कश्मीर में घुस सकता है चीनडोकलाम में लंबे समय तक बने रहने की तैयारी कर चुकी है भारतीय सेना, दबाव में नहीं झुकेगीबाज नहीं आ रहा चीन, नया नक्शा जारी करके डोकलाम को 'अपना' क्षेत्र बतायाभारत-चीन विवाद : 'चिकन नेक' का चक्‍कर और ड्रैगन के साथ बढ़ती टकराहट भारत के लिए अहम इसलिए है कि पश्चिम बंगाल राज्य को सिलिगुड़ी के रास्ते पूर्वोत्तर (नार्थ-ईस्ट) के राज्यों से जोडऩे वाले संकरे रास्ते से सटा है. दूसरे भारत को चीन से जोड़ने वाले दोनों दर्रे जेलेप और नाथु लॉ दोनों का एक छोर तिब्बत के चुम्बीवैली में खुलता है. चीन ने नाथु-लॉ दर्रे तक फर्राटेदार सड़क का निर्माण कर लिया है.टिप्पणियां ऐसे में इस क्षेत्र में चीन की सीधी धमक और निगरानी भारत के लिए सुरक्षात्मक दृष्टि से बड़ी चिंता का सबब है, क्योंकि युद्ध की स्थिति आने पर चीन की सेनाएं इसके जरिए आसानी से भारत पर आक्रमण कर सकती हैं.   इसको लेकर दोनों देशों में विवाद सुलझने तक यथास्थिति बनाए रखने के लिए 1988 और 1998 में दो बार समझौता भी हुआ है. इस विवाद को सुलझाने के लिए चीन और भूटान में वार्ता चल रही थी. इस दौरान चीन के सैनिकों ने पिछले साल की तरह इस बार डोकलम में सड़क निर्माण का कार्य शुरू कर दिया. वे अचानक साजो-सामान लेकर आए और सड़क मार्ग बनाने में जुट गए. भूटान के सैनिकों  ने इसका प्रतिरोध किया, लेकिन सफल नहीं हो पाए.तब उन्होंने भारतीय सेना को इसकी सूचना दी और सेना ने चीन के सैनिकों को निर्माण कार्य करने से रोक दिया है. जून के महीने से ही भारतीय सैनिकों अस्थाई तंबू गाड़कर डोकलम क्षेत्र में डटे हुए हैं. बता दें कि डोकलाम भूटान, चीन और भारत के तिराहे (ट्राईजंक्शन) वाला क्षेत्र है. यह क्षेत्र भारत के लिए भी सामरिक दृष्टि से काफी अहम है. इस रास्ते का प्रयोग करके भारत आसानी से तिब्बत में दाखिल हो सकता है. कभी यह सबसे शांत क्षेत्र था. चीन भी इधर ध्यान नहीं दे रहा था और भारत भी. हिमालयन पठार का यह क्षेत्र चीन के अधिपत्य वाले (स्वायत्तशासी) तिब्बत के चुम्बी वैली से जुड़ता है. चुम्बी वैली के पूर्व में भूटान पश्चिम में सिक्किम है. भौगोलिक दृष्टि से भारत का अंग प्रतीत होती है. यहां से 14 किमी दूर नाथु-लॉ दर्रा है. भारत पर राज करने वाली ब्रिटिश हूकूमत ने कई सालों तक चुम्बी वैली पर कब्जा किया था.   ये भी पढ़ेंडोकलाम सीमा विवाद पर चीनी मीडिया ने कहा, भारतीय सैनिकों को वापस बुलाने तक वार्ता की गुंजाइश नहींकादम्बिनी शर्मा का ब्लॉग : क्या चीन और भारत के बीच तनाव कम होगा...चीन ने फिर कहा, भारतीय सेना डोकलाम से पीछे हटे, यह अब भी 'पहली शर्त' हैसिक्किम में भारत की स्थिति मजबूत, सर्दियों तक जारी रह सकता है चीन से तनावचीनी मीडिया की खोखली धमकी, कहा - पाकिस्तान की ओर से कश्मीर में घुस सकता है चीनडोकलाम में लंबे समय तक बने रहने की तैयारी कर चुकी है भारतीय सेना, दबाव में नहीं झुकेगीबाज नहीं आ रहा चीन, नया नक्शा जारी करके डोकलाम को 'अपना' क्षेत्र बतायाभारत-चीन विवाद : 'चिकन नेक' का चक्‍कर और ड्रैगन के साथ बढ़ती टकराहट भारत के लिए अहम इसलिए है कि पश्चिम बंगाल राज्य को सिलिगुड़ी के रास्ते पूर्वोत्तर (नार्थ-ईस्ट) के राज्यों से जोडऩे वाले संकरे रास्ते से सटा है. दूसरे भारत को चीन से जोड़ने वाले दोनों दर्रे जेलेप और नाथु लॉ दोनों का एक छोर तिब्बत के चुम्बीवैली में खुलता है. चीन ने नाथु-लॉ दर्रे तक फर्राटेदार सड़क का निर्माण कर लिया है.टिप्पणियां ऐसे में इस क्षेत्र में चीन की सीधी धमक और निगरानी भारत के लिए सुरक्षात्मक दृष्टि से बड़ी चिंता का सबब है, क्योंकि युद्ध की स्थिति आने पर चीन की सेनाएं इसके जरिए आसानी से भारत पर आक्रमण कर सकती हैं.   वे अचानक साजो-सामान लेकर आए और सड़क मार्ग बनाने में जुट गए. भूटान के सैनिकों  ने इसका प्रतिरोध किया, लेकिन सफल नहीं हो पाए.तब उन्होंने भारतीय सेना को इसकी सूचना दी और सेना ने चीन के सैनिकों को निर्माण कार्य करने से रोक दिया है. जून के महीने से ही भारतीय सैनिकों अस्थाई तंबू गाड़कर डोकलम क्षेत्र में डटे हुए हैं. बता दें कि डोकलाम भूटान, चीन और भारत के तिराहे (ट्राईजंक्शन) वाला क्षेत्र है. यह क्षेत्र भारत के लिए भी सामरिक दृष्टि से काफी अहम है. इस रास्ते का प्रयोग करके भारत आसानी से तिब्बत में दाखिल हो सकता है. कभी यह सबसे शांत क्षेत्र था. चीन भी इधर ध्यान नहीं दे रहा था और भारत भी. हिमालयन पठार का यह क्षेत्र चीन के अधिपत्य वाले (स्वायत्तशासी) तिब्बत के चुम्बी वैली से जुड़ता है. चुम्बी वैली के पूर्व में भूटान पश्चिम में सिक्किम है. भौगोलिक दृष्टि से भारत का अंग प्रतीत होती है. यहां से 14 किमी दूर नाथु-लॉ दर्रा है. भारत पर राज करने वाली ब्रिटिश हूकूमत ने कई सालों तक चुम्बी वैली पर कब्जा किया था.   ये भी पढ़ेंडोकलाम सीमा विवाद पर चीनी मीडिया ने कहा, भारतीय सैनिकों को वापस बुलाने तक वार्ता की गुंजाइश नहींकादम्बिनी शर्मा का ब्लॉग : क्या चीन और भारत के बीच तनाव कम होगा...चीन ने फिर कहा, भारतीय सेना डोकलाम से पीछे हटे, यह अब भी 'पहली शर्त' हैसिक्किम में भारत की स्थिति मजबूत, सर्दियों तक जारी रह सकता है चीन से तनावचीनी मीडिया की खोखली धमकी, कहा - पाकिस्तान की ओर से कश्मीर में घुस सकता है चीनडोकलाम में लंबे समय तक बने रहने की तैयारी कर चुकी है भारतीय सेना, दबाव में नहीं झुकेगीबाज नहीं आ रहा चीन, नया नक्शा जारी करके डोकलाम को 'अपना' क्षेत्र बतायाभारत-चीन विवाद : 'चिकन नेक' का चक्‍कर और ड्रैगन के साथ बढ़ती टकराहट भारत के लिए अहम इसलिए है कि पश्चिम बंगाल राज्य को सिलिगुड़ी के रास्ते पूर्वोत्तर (नार्थ-ईस्ट) के राज्यों से जोडऩे वाले संकरे रास्ते से सटा है. दूसरे भारत को चीन से जोड़ने वाले दोनों दर्रे जेलेप और नाथु लॉ दोनों का एक छोर तिब्बत के चुम्बीवैली में खुलता है. चीन ने नाथु-लॉ दर्रे तक फर्राटेदार सड़क का निर्माण कर लिया है.टिप्पणियां ऐसे में इस क्षेत्र में चीन की सीधी धमक और निगरानी भारत के लिए सुरक्षात्मक दृष्टि से बड़ी चिंता का सबब है, क्योंकि युद्ध की स्थिति आने पर चीन की सेनाएं इसके जरिए आसानी से भारत पर आक्रमण कर सकती हैं.   बता दें कि डोकलाम भूटान, चीन और भारत के तिराहे (ट्राईजंक्शन) वाला क्षेत्र है. यह क्षेत्र भारत के लिए भी सामरिक दृष्टि से काफी अहम है. इस रास्ते का प्रयोग करके भारत आसानी से तिब्बत में दाखिल हो सकता है. कभी यह सबसे शांत क्षेत्र था. चीन भी इधर ध्यान नहीं दे रहा था और भारत भी. हिमालयन पठार का यह क्षेत्र चीन के अधिपत्य वाले (स्वायत्तशासी) तिब्बत के चुम्बी वैली से जुड़ता है. चुम्बी वैली के पूर्व में भूटान पश्चिम में सिक्किम है. भौगोलिक दृष्टि से भारत का अंग प्रतीत होती है. यहां से 14 किमी दूर नाथु-लॉ दर्रा है. भारत पर राज करने वाली ब्रिटिश हूकूमत ने कई सालों तक चुम्बी वैली पर कब्जा किया था.   ये भी पढ़ेंडोकलाम सीमा विवाद पर चीनी मीडिया ने कहा, भारतीय सैनिकों को वापस बुलाने तक वार्ता की गुंजाइश नहींकादम्बिनी शर्मा का ब्लॉग : क्या चीन और भारत के बीच तनाव कम होगा...चीन ने फिर कहा, भारतीय सेना डोकलाम से पीछे हटे, यह अब भी 'पहली शर्त' हैसिक्किम में भारत की स्थिति मजबूत, सर्दियों तक जारी रह सकता है चीन से तनावचीनी मीडिया की खोखली धमकी, कहा - पाकिस्तान की ओर से कश्मीर में घुस सकता है चीनडोकलाम में लंबे समय तक बने रहने की तैयारी कर चुकी है भारतीय सेना, दबाव में नहीं झुकेगीबाज नहीं आ रहा चीन, नया नक्शा जारी करके डोकलाम को 'अपना' क्षेत्र बतायाभारत-चीन विवाद : 'चिकन नेक' का चक्‍कर और ड्रैगन के साथ बढ़ती टकराहट भारत के लिए अहम इसलिए है कि पश्चिम बंगाल राज्य को सिलिगुड़ी के रास्ते पूर्वोत्तर (नार्थ-ईस्ट) के राज्यों से जोडऩे वाले संकरे रास्ते से सटा है. दूसरे भारत को चीन से जोड़ने वाले दोनों दर्रे जेलेप और नाथु लॉ दोनों का एक छोर तिब्बत के चुम्बीवैली में खुलता है. चीन ने नाथु-लॉ दर्रे तक फर्राटेदार सड़क का निर्माण कर लिया है.टिप्पणियां ऐसे में इस क्षेत्र में चीन की सीधी धमक और निगरानी भारत के लिए सुरक्षात्मक दृष्टि से बड़ी चिंता का सबब है, क्योंकि युद्ध की स्थिति आने पर चीन की सेनाएं इसके जरिए आसानी से भारत पर आक्रमण कर सकती हैं.   हिमालयन पठार का यह क्षेत्र चीन के अधिपत्य वाले (स्वायत्तशासी) तिब्बत के चुम्बी वैली से जुड़ता है. चुम्बी वैली के पूर्व में भूटान पश्चिम में सिक्किम है. भौगोलिक दृष्टि से भारत का अंग प्रतीत होती है. यहां से 14 किमी दूर नाथु-लॉ दर्रा है. भारत पर राज करने वाली ब्रिटिश हूकूमत ने कई सालों तक चुम्बी वैली पर कब्जा किया था.   ये भी पढ़ेंडोकलाम सीमा विवाद पर चीनी मीडिया ने कहा, भारतीय सैनिकों को वापस बुलाने तक वार्ता की गुंजाइश नहींकादम्बिनी शर्मा का ब्लॉग : क्या चीन और भारत के बीच तनाव कम होगा...चीन ने फिर कहा, भारतीय सेना डोकलाम से पीछे हटे, यह अब भी 'पहली शर्त' हैसिक्किम में भारत की स्थिति मजबूत, सर्दियों तक जारी रह सकता है चीन से तनावचीनी मीडिया की खोखली धमकी, कहा - पाकिस्तान की ओर से कश्मीर में घुस सकता है चीनडोकलाम में लंबे समय तक बने रहने की तैयारी कर चुकी है भारतीय सेना, दबाव में नहीं झुकेगीबाज नहीं आ रहा चीन, नया नक्शा जारी करके डोकलाम को 'अपना' क्षेत्र बतायाभारत-चीन विवाद : 'चिकन नेक' का चक्‍कर और ड्रैगन के साथ बढ़ती टकराहट भारत के लिए अहम इसलिए है कि पश्चिम बंगाल राज्य को सिलिगुड़ी के रास्ते पूर्वोत्तर (नार्थ-ईस्ट) के राज्यों से जोडऩे वाले संकरे रास्ते से सटा है. दूसरे भारत को चीन से जोड़ने वाले दोनों दर्रे जेलेप और नाथु लॉ दोनों का एक छोर तिब्बत के चुम्बीवैली में खुलता है. चीन ने नाथु-लॉ दर्रे तक फर्राटेदार सड़क का निर्माण कर लिया है.टिप्पणियां ऐसे में इस क्षेत्र में चीन की सीधी धमक और निगरानी भारत के लिए सुरक्षात्मक दृष्टि से बड़ी चिंता का सबब है, क्योंकि युद्ध की स्थिति आने पर चीन की सेनाएं इसके जरिए आसानी से भारत पर आक्रमण कर सकती हैं.   भारत के लिए अहम इसलिए है कि पश्चिम बंगाल राज्य को सिलिगुड़ी के रास्ते पूर्वोत्तर (नार्थ-ईस्ट) के राज्यों से जोडऩे वाले संकरे रास्ते से सटा है. दूसरे भारत को चीन से जोड़ने वाले दोनों दर्रे जेलेप और नाथु लॉ दोनों का एक छोर तिब्बत के चुम्बीवैली में खुलता है. चीन ने नाथु-लॉ दर्रे तक फर्राटेदार सड़क का निर्माण कर लिया है.टिप्पणियां ऐसे में इस क्षेत्र में चीन की सीधी धमक और निगरानी भारत के लिए सुरक्षात्मक दृष्टि से बड़ी चिंता का सबब है, क्योंकि युद्ध की स्थिति आने पर चीन की सेनाएं इसके जरिए आसानी से भारत पर आक्रमण कर सकती हैं.   टिप्पणियां ऐसे में इस क्षेत्र में चीन की सीधी धमक और निगरानी भारत के लिए सुरक्षात्मक दृष्टि से बड़ी चिंता का सबब है, क्योंकि युद्ध की स्थिति आने पर चीन की सेनाएं इसके जरिए आसानी से भारत पर आक्रमण कर सकती हैं.   ऐसे में इस क्षेत्र में चीन की सीधी धमक और निगरानी भारत के लिए सुरक्षात्मक दृष्टि से बड़ी चिंता का सबब है, क्योंकि युद्ध की स्थिति आने पर चीन की सेनाएं इसके जरिए आसानी से भारत पर आक्रमण कर सकती हैं.
संक्षिप्त सारांश: चीन में भूटान सीमा पर स्थित डोकलाम को लेकर विवाद चीन यहां पर सड़क निर्माण का कार्य कर रहा है भारत भूटान के पक्ष में यहां पर खड़ा है.
29
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: सरकार ने कहा कि इस साल अब तक मानसून की बारिश सामान्य से 21 प्रतिशत कम रही है और वह मोटे अनाज की धीमी बुवाई को लेकर चिंतित है। कृषि सचिव अशीष बहुगुणा ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि कर्नाटक में कम बुवाई की भरपाई की संभावना नहीं है। कर्नाटक सूखे जैसी स्थिति का सामना कर रहा है। उन्होंने कहा, ‘देशभर में कुल मिलाकर 26 जुलाई तक बारिश सामान्य से 21 फीसदी कम रही है। पिछले आंकड़े की तुलना में यह एक प्रतिशत बेहतर है।’टिप्पणियां मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार कर्नाटक में सबसे प्रतिकूल असर मोटे अनाज पर पड़ा है। देशभर में मोटे अनाज का बुवाई क्षेत्र 23 प्रतिशत घटकर 1.17 करोड़ हेक्टेयर रहा है। बहुगुण ने कहा, ‘मोटे अनाज में बुवाई क्षेत्र में अंतर सप्ताह में बढ़ा है जो चिंता की बात है।’ कृषि सचिव अशीष बहुगुणा ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि कर्नाटक में कम बुवाई की भरपाई की संभावना नहीं है। कर्नाटक सूखे जैसी स्थिति का सामना कर रहा है। उन्होंने कहा, ‘देशभर में कुल मिलाकर 26 जुलाई तक बारिश सामान्य से 21 फीसदी कम रही है। पिछले आंकड़े की तुलना में यह एक प्रतिशत बेहतर है।’टिप्पणियां मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार कर्नाटक में सबसे प्रतिकूल असर मोटे अनाज पर पड़ा है। देशभर में मोटे अनाज का बुवाई क्षेत्र 23 प्रतिशत घटकर 1.17 करोड़ हेक्टेयर रहा है। बहुगुण ने कहा, ‘मोटे अनाज में बुवाई क्षेत्र में अंतर सप्ताह में बढ़ा है जो चिंता की बात है।’ कर्नाटक सूखे जैसी स्थिति का सामना कर रहा है। उन्होंने कहा, ‘देशभर में कुल मिलाकर 26 जुलाई तक बारिश सामान्य से 21 फीसदी कम रही है। पिछले आंकड़े की तुलना में यह एक प्रतिशत बेहतर है।’टिप्पणियां मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार कर्नाटक में सबसे प्रतिकूल असर मोटे अनाज पर पड़ा है। देशभर में मोटे अनाज का बुवाई क्षेत्र 23 प्रतिशत घटकर 1.17 करोड़ हेक्टेयर रहा है। बहुगुण ने कहा, ‘मोटे अनाज में बुवाई क्षेत्र में अंतर सप्ताह में बढ़ा है जो चिंता की बात है।’ मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार कर्नाटक में सबसे प्रतिकूल असर मोटे अनाज पर पड़ा है। देशभर में मोटे अनाज का बुवाई क्षेत्र 23 प्रतिशत घटकर 1.17 करोड़ हेक्टेयर रहा है। बहुगुण ने कहा, ‘मोटे अनाज में बुवाई क्षेत्र में अंतर सप्ताह में बढ़ा है जो चिंता की बात है।’ बहुगुण ने कहा, ‘मोटे अनाज में बुवाई क्षेत्र में अंतर सप्ताह में बढ़ा है जो चिंता की बात है।’
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: सरकार ने कहा कि इस साल अब तक मानसून की बारिश सामान्य से 21 प्रतिशत कम रही है और वह मोटे अनाज की धीमी बुवाई को लेकर चिंतित है।
19
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: क्रिकेटर से राजनेता बने नवजोत सिंह सिध्दू सोमवार को अपने पत्ते खोल सकते हैं और ये बता सकते हैं कि आखिर उन्होंने बीजेपी क्यों छोड़ी और अब इसके बाद  किस पार्टी में जा रहे हैं। सिध्दू सोमवार को दिल्ली में प्रेस कांफ्रेंस कर रहे हैं। हालांकि माना जा रहा है कि नवजोत सिद्धू अपनी प्रेस कांफ्रेंस में किसी पार्टी में शामिल होने का ऐलान शायद नहीं करेंगे क्योंकि आम आदमी पार्टी सूत्रों का दावा है कि इस प्रेस कांफ्रेंस के बारे में उनको कोई जानकारी नहीं है। वैसे भी ये बात भी है कि अगर सिध्दू आप में शामिल होंगे तो वह प्रेस कांफ्रेंस आप की बुलाई होगी सिध्दू की नहीं। टिप्पणियां संभावना है कि सिध्दू सोमवार को दिल्ली में होने वाली प्रेस कांफ्रेंस में अपना फोकस बीजेपी पर रखें और बताएं कि आखिर जिस पार्टी ने उनको राजनीति में पहचान दी, दो बार अमृतसर का लोकसभा टिकट और हाल ही में राज्य सभा की सदस्यता दी उसको सिध्दू आखिर क्यों छोड़ गए..? गौरतलब है कि सिद्धू ने सोमवार को इस्तीफा दे दिया था। इस्‍तीफा देते हुए उन्‍होंने कहा था,  'सम्मानीय प्रधानमंत्री के कहने पर मैंने पंजाब के कल्याण के लिए राज्यसभा का मनोनयन स्वीकार किया था लेकिन पंजाब के लिए हर खिड़की बंद होने के साथ उद्देश्य धराशायी हो गया। अब यह महज बोझ रह गया। मैंने इसे नहीं ढोना सही समझा।' उन्होंने कहा, 'सही और गलत की लड़ाई में आप आत्मकेंद्रित होने के बजाय तटस्थ नहीं रह सकते।'   हालांकि माना जा रहा है कि नवजोत सिद्धू अपनी प्रेस कांफ्रेंस में किसी पार्टी में शामिल होने का ऐलान शायद नहीं करेंगे क्योंकि आम आदमी पार्टी सूत्रों का दावा है कि इस प्रेस कांफ्रेंस के बारे में उनको कोई जानकारी नहीं है। वैसे भी ये बात भी है कि अगर सिध्दू आप में शामिल होंगे तो वह प्रेस कांफ्रेंस आप की बुलाई होगी सिध्दू की नहीं। टिप्पणियां संभावना है कि सिध्दू सोमवार को दिल्ली में होने वाली प्रेस कांफ्रेंस में अपना फोकस बीजेपी पर रखें और बताएं कि आखिर जिस पार्टी ने उनको राजनीति में पहचान दी, दो बार अमृतसर का लोकसभा टिकट और हाल ही में राज्य सभा की सदस्यता दी उसको सिध्दू आखिर क्यों छोड़ गए..? गौरतलब है कि सिद्धू ने सोमवार को इस्तीफा दे दिया था। इस्‍तीफा देते हुए उन्‍होंने कहा था,  'सम्मानीय प्रधानमंत्री के कहने पर मैंने पंजाब के कल्याण के लिए राज्यसभा का मनोनयन स्वीकार किया था लेकिन पंजाब के लिए हर खिड़की बंद होने के साथ उद्देश्य धराशायी हो गया। अब यह महज बोझ रह गया। मैंने इसे नहीं ढोना सही समझा।' उन्होंने कहा, 'सही और गलत की लड़ाई में आप आत्मकेंद्रित होने के बजाय तटस्थ नहीं रह सकते।'   संभावना है कि सिध्दू सोमवार को दिल्ली में होने वाली प्रेस कांफ्रेंस में अपना फोकस बीजेपी पर रखें और बताएं कि आखिर जिस पार्टी ने उनको राजनीति में पहचान दी, दो बार अमृतसर का लोकसभा टिकट और हाल ही में राज्य सभा की सदस्यता दी उसको सिध्दू आखिर क्यों छोड़ गए..? गौरतलब है कि सिद्धू ने सोमवार को इस्तीफा दे दिया था। इस्‍तीफा देते हुए उन्‍होंने कहा था,  'सम्मानीय प्रधानमंत्री के कहने पर मैंने पंजाब के कल्याण के लिए राज्यसभा का मनोनयन स्वीकार किया था लेकिन पंजाब के लिए हर खिड़की बंद होने के साथ उद्देश्य धराशायी हो गया। अब यह महज बोझ रह गया। मैंने इसे नहीं ढोना सही समझा।' उन्होंने कहा, 'सही और गलत की लड़ाई में आप आत्मकेंद्रित होने के बजाय तटस्थ नहीं रह सकते।'
सारांश: 'आप' को अब तक नहीं है इस प्रेस कांफ्रेंस की जानकारी नवजोत सिंह सिद्धू ने सोमवार को दे दिया था इस्‍तीफा कहा था-सही और गलत की जंग में तटस्‍थ नहीं रह सकता
20
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: लोकसभा चुनाव (Lok Sabha Elections) के दूसरे चरण का मतदान गुरुवार को देशभर के 11 राज्यों व एक केंद्र शासित प्रदेश पुदुच्चेरी में चल रहा है. बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख मायावती ने अपने ट्विटर अकाउंट के जरिए कई ट्वीट करके चुनाव आयोग पर सवाल उठाए हैं. मायावती का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट की यह संतुष्टि काफी महत्वपूर्ण है कि चुनाव आयोग उतना लाचार व कमजोर नहीं है जितना वह अपने आपको साबित कर रहा था. पूरे ट्वीट में मायावती ने लिखा, ''सुप्रीम कोर्ट की यह संतुष्टि काफी महत्वपूर्ण है कि चुनाव आयोग उतना लाचार व कमजोर नहीं है जितना वह अपने आपको साबित कर रहा था. लेकिन इस तथ्य व आमधारणा की सही जाँच व परख होनी बाकी है कि आयोग वाकई स्वतंत्रता व निष्पक्षता से काम कर रहा है एवं केन्द्र के आगे नतमस्तक नहीं है?'' माननीय सुप्रीम कोर्ट की यह संतुष्टि काफी महत्वपूर्ण है कि चुनाव आयोग उतना लाचार व कमजोर नहीं है जितना वह अपने आपको साबित कर रहा था। लेकिन इस तथ्य व आमधारणा की सही जाँच व परख होनी बाकी है कि आयोग वाकई स्वतंत्रता व निष्पक्षता से काम कर रहा है एवं केन्द्र के आगे नतमस्तक नहीं है? मायावती ने पीएम मोदी पर भी निशाना साधते हुए कहा, ''चुनाव में हर प्रकार के अनर्गल आरोपों के अलावा बीजेपी के नेतागण व पीएम मोदी की जुबान लगातार बेलगाम रही है जैसे कि विपक्ष पर यह आरोप कि वे उन्हें गाली देते रहते हैं बहुत ही अशोभनीय व अमर्यादित है. महिला सम्मान से जुड़े मामलों में भी बीजेपी की भूमिका अच्छी नहीं रही है.'' इसके अलावा भी मायावती ने एक और ट्वीट किया, जिसमें उन्होंने बीजेपी पर तंज कसते हुए कहा, ''विपक्ष को अनेकों प्रकार के उत्तेजनाओं के बावजूद एक-दूसरे पर टिप्पणी करने के मामले में शालीनता की सीमा नहीं लांघनी चाहिए. इससे बीजेपी को अपनी कमजोरी छिपाने व लोगों को बरगलाने का मौका मिल जाता है. वैसे भी सत्ताधारी पार्टी पर आयोग की पकड़ सख्त होगी तभी जनविश्वास पैदा होगा.'' मायावती ने एक और ट्वीट करके पीएम मोदी पर निशाना साधा है. उन्होंने लिखा, ''आज दूसरे चरण का मतदान है और बीजेपी व पीएम मोदी उसी प्रकार से नर्वस व घबराए लगते हैं जैसे पिछले लोकसभा चुनाव में हार के डर से कांग्रेस व्यथित व व्याकुल थी. इसकी असली वजह सर्वसमाज के गरीबों, मजदूरों, किसानों के साथ-साथ इनकी दलित, पिछड़ा व मुस्लिम विरोधी संकीर्ण सोच व कर्म है.''
यह एक सारांश है: मायावती ने किया ट्वीट चुनाव आयोग पर उठाए सवाल दूसरे चरण का मतदान आज
9
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: शिवसेना ने रविवार को कहा कि महाराष्ट्र में सत्ता का रिमोट कंट्रोल अब पार्टी प्रमुख उद्धव ठाकरे के हाथ में है. पार्टी ऐसा तब बोल रही है जब उसे 2014 के मुकाबले इस बार विधानसभा में कम सीटे मिली हैं. राज्य में 1995 से लेकर 1999 तक पहली शिवसेना-भाजपा गठबंधन सरकार के दौरान शिवसेना के संस्थापक दिवंगत बाल ठाकरे अक्सर ‘रिमोट कंट्रोल' शब्द का प्रयोग करते थे. शिवसेना अन्य मांगों के साथ-साथ चाहती है कि भाजपा उसे लिखित में ‘सत्ता में बराबरी' का हक देने का आश्वासन दे और मुख्यमंत्री पद का कार्यकाल बराबर समय के लिए उसके साथ बांटे.  शिवसेना के मुखपत्र ‘सामना' में अपने स्तंभ ‘रोकटोक' में संजय राउत ने कहा है, ‘शिवसेना ने इस बार कम सीटें जीती हैं. 2014 की 63 के मुकाबले 56 सीटें जीती हैं, लेकिन उसके पास सत्ता की चाबी है.' वहीं, शिवसेना ने अपने सहयोगी दल भाजपा से शनिवार को लिखित में आश्वासन मांगा कि वह महाराष्ट्र में ‘सत्ता में बराबर की हिस्सेदारी के फार्मूले' (50:50) को लागू करेगी. वहीं, विपक्षी कांग्रेस ने कहा है कि उद्धव ठाकरे नीत पार्टी को ‘वैकल्पिक व्यवस्था' तलाशनी चाहिए. शिवसेना के नवनिर्वाचित विधायकों ने मुंबई में पार्टी अध्यक्ष उद्धव ठाकरे के आवास पर उनसे मुलाकात की. उन्होंने उनके (उद्धव के) बेटे एवं युवा सेना प्रमुख आदित्य ठाकरे को मुख्यमंत्री बनाने की मांग की. राज्य में 21 अक्टूबर को हुए विधानसभा चुनाव में शिवसेना के 56 सीटों पर जीत दर्ज करने के दो दिनों बाद नवनिर्वाचित विधायकों ने ठाकरे से मुलाकात की. उन्होंने शिवसेना प्रमुख को नयी सरकार के गठन के बारे में फैसला लेने के लिये अधिकृत किया. शिवसेना के एक विधायक ने कहा, ‘उद्धव ठाकरे ने भी कहा है कि ‘उनके पास अन्य विकल्प खुले हैं.' लेकिन वह उन्हें तलाशने में रूचि नहीं ले रहे हैं क्योंकि भाजपा और शिवसेना हिंदुत्व की विचारधारा की डोर से एक दूसरे से बंधी हुई है.' इस बीच, महाराष्ट्र प्रदेश भाजपा प्रमुख चंद्रकांत पाटिल ने ढाई साल के लिये मुख्यमंत्री का पद शिवसेना द्वारा कथित तौर पर मांगे जाने के बारे में पूछे जाने पर बस इतना कहा, ‘हर किसी को अपना विचार प्रकट करने का अधिकार है.' हालांकि, पुणे शहर के कोठरूड सीट से निर्वाचित हुए पाटिल ने कहा कि सरकार गठन पर अंतिम फैसला मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णवीस और शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे करेंगे. उन्होंने यहां संवाददताओं से कहा कि भाजपा के नवनिर्वाचित विधायक सदन में पार्टी के विधायक दल का नेता चुनने के लिये मुंबई में 30 अक्टूबर को बैठक करेंगे. शिवसेना के लिखित में आश्वासन मांगने को उसकी दबाव बनाने की तरकीब के तौर पर देखा जा रहा है. दरअसल, भाजपा को 2014 की तुलना में इस चुनाव में 17 सीटों का नुकसान हुआ है और उसकी सीटों की संख्या 122 (वर्ष 2014) से घट कर 105 पर आ गई है. राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक भाजपा के खराब प्रदर्शन ने शिवसेना की सौदेबाजी करने की ताकत बढ़ा दी है. हालांकि, शिवसेना की सीटों की संख्या भी 2014 में 63 की तुलना में घट कर 56 पर आ गई हैं. गुरुवार को बृहस्पतिवार को शिवसेना ने अपने कड़े तेवर दिखाते हुए भाजपा को ‘50:50 फार्मूले' की याद दिलाई थी, जिस पर भाजपा अध्यक्ष अमित शाह, ठाकरे और फड़णवीस के बीच 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले सहमति बनी थी. सूत्रों के मुताबिक इस फार्मूले के मुताबिक शिवसेना और भाजपा के चक्रीय आधार पर मुख्यमंत्री होंगे और दोनों दलों को कैबिनेट में बराबर संख्या में जगह मिलेगी. ठाकरे ने कहा था, ‘मैं (शिवसेना) लोकसभा और विधानसभा चुनावों में कम सीटों पर चुनाव लड़ा. मैं हर बार भाजपा के लिये गुंजाइश नहीं बना सकता. मैं भाजपा को उस फार्मूले की याद दिलाना चाहता हूं जो अमित शाह की मौजूदगी में बनाया गया था.'
संक्षिप्त सारांश: शिवसेना ने कहा, सत्ता का रिमोट उद्धव ठाकरे के हाथ में है शिवसेना लिखित में ‘सत्ता में बराबरी' का हक चाहती है बाल ठाकरे अक्सर ‘रिमोट कंट्रोल' शब्द का प्रयोग करते थे
10
['hin']
एक सारांश बनाओ: भारत को खुले में शौच मुक्त बनाने के लिए अभियान चलाया जा रहा है. इसके लिए लोगों को घरों में शौचालय बनाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है. इस अभियान को सफल बनाने के लिए सार्वजनिक जगहों पर भी बड़े पैमाने पर शौचालय बनवाए जा रहे हैं. हालांकि इसके बाद भी कई बार ऐसे हालात बन जाते हैं जब पुरुष दीवारों पर या सड़क किनारे पेशाब करते दिख जाते हैं. ऐसे हालात में सबसे ज्यादा मुश्किल महिलाओं के साथ होती हैं. कई बार सार्वजनिक शौचालय मिल भी जाते हैं तो महिलाएं उसका इस्तेमाल नहीं कर पाती हैं. यूपीआई की खबर के मुताबिक महिलाओं की इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए ऑस्ट्रिया में ग्रीन पार्टी नाम की स्थनीय संस्था महिलाओं को खड़े होकर पेशाब करने की ट्रेनिंग देगी. ग्रीन पार्टी समय-समय पर पर्चटोल्डसड्रॉफ (Perchtoldsdorf) शहर में नाश्ते के बहाने महिलाओं को एकत्र कर उन्हें राजनीतिक सामाजिक जैसे मुद्दों पर बात करने का मौका देती रहती है. शनिवार को हुई ऐसी ही एक बैठक में तय हुआ कि यह संस्था महिलाओं को सार्वजनिक शौचालय में खड़े होकर पेशाब करना सिखाएगी. स्थानीय काउंसलर और ग्रीन पार्टी के सदस्य मार्था गुंजाल ने बताया कि बैठक में जब इस मुद्दे र बातचीत शुरू हुई तो लोग अचंभित थे. लेकिन आखिरकार सहमति बन गई. टिप्पणियां बताया जा रहा है कि एक किट की मदद से महिलाएं खड़े होकर पेशाब कर पाएंगी. यह किट एक नली जैसी है. इसके इस्तेमाल के बाद महिलाएं इसे फेंक सकती हैं. इस किट का इस्तेमाल करने के बाद महिलाओं को गंदी शौचालय की सीट पर बैठने की जरूरत नहीं पड़ेगी. मालूम हो कि दुनिया के कुछ देशों में महिलाओं को खड़े होकर पेशाब करने की सुविधा प्रदान करने वाला किट पहले से इस्तेमाल होता रहा है, लेकिन विकासशील देशों में अभी इसका चलन नहीं के बराबर है. पिछले दिनों एक कंपनी ने भारत में भी इस किट को लाने की बात कही थी. कई घंटों तक पेशाब रोके रखने के चलते दुनिया की करोड़ों महिलाएं यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फेक्शन (यूटीआई) से ग्रसित होती हैं. उम्मीद की जा रही है कि इस किट को अगर कम कीमत में और आसानी से उपलब्ध कराए जाएं तो महिलाओं की एक बड़ी समस्या दूर हो सकती है. स्थानीय काउंसलर और ग्रीन पार्टी के सदस्य मार्था गुंजाल ने बताया कि बैठक में जब इस मुद्दे र बातचीत शुरू हुई तो लोग अचंभित थे. लेकिन आखिरकार सहमति बन गई. टिप्पणियां बताया जा रहा है कि एक किट की मदद से महिलाएं खड़े होकर पेशाब कर पाएंगी. यह किट एक नली जैसी है. इसके इस्तेमाल के बाद महिलाएं इसे फेंक सकती हैं. इस किट का इस्तेमाल करने के बाद महिलाओं को गंदी शौचालय की सीट पर बैठने की जरूरत नहीं पड़ेगी. मालूम हो कि दुनिया के कुछ देशों में महिलाओं को खड़े होकर पेशाब करने की सुविधा प्रदान करने वाला किट पहले से इस्तेमाल होता रहा है, लेकिन विकासशील देशों में अभी इसका चलन नहीं के बराबर है. पिछले दिनों एक कंपनी ने भारत में भी इस किट को लाने की बात कही थी. कई घंटों तक पेशाब रोके रखने के चलते दुनिया की करोड़ों महिलाएं यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फेक्शन (यूटीआई) से ग्रसित होती हैं. उम्मीद की जा रही है कि इस किट को अगर कम कीमत में और आसानी से उपलब्ध कराए जाएं तो महिलाओं की एक बड़ी समस्या दूर हो सकती है. बताया जा रहा है कि एक किट की मदद से महिलाएं खड़े होकर पेशाब कर पाएंगी. यह किट एक नली जैसी है. इसके इस्तेमाल के बाद महिलाएं इसे फेंक सकती हैं. इस किट का इस्तेमाल करने के बाद महिलाओं को गंदी शौचालय की सीट पर बैठने की जरूरत नहीं पड़ेगी. मालूम हो कि दुनिया के कुछ देशों में महिलाओं को खड़े होकर पेशाब करने की सुविधा प्रदान करने वाला किट पहले से इस्तेमाल होता रहा है, लेकिन विकासशील देशों में अभी इसका चलन नहीं के बराबर है. पिछले दिनों एक कंपनी ने भारत में भी इस किट को लाने की बात कही थी. कई घंटों तक पेशाब रोके रखने के चलते दुनिया की करोड़ों महिलाएं यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फेक्शन (यूटीआई) से ग्रसित होती हैं. उम्मीद की जा रही है कि इस किट को अगर कम कीमत में और आसानी से उपलब्ध कराए जाएं तो महिलाओं की एक बड़ी समस्या दूर हो सकती है. मालूम हो कि दुनिया के कुछ देशों में महिलाओं को खड़े होकर पेशाब करने की सुविधा प्रदान करने वाला किट पहले से इस्तेमाल होता रहा है, लेकिन विकासशील देशों में अभी इसका चलन नहीं के बराबर है. पिछले दिनों एक कंपनी ने भारत में भी इस किट को लाने की बात कही थी. कई घंटों तक पेशाब रोके रखने के चलते दुनिया की करोड़ों महिलाएं यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फेक्शन (यूटीआई) से ग्रसित होती हैं. उम्मीद की जा रही है कि इस किट को अगर कम कीमत में और आसानी से उपलब्ध कराए जाएं तो महिलाओं की एक बड़ी समस्या दूर हो सकती है.
संक्षिप्त सारांश: सार्वजनिक शौचालय के अभाव में महिलाओं को होती है परेशानी कई बार सार्वजनिक शौचालय गंदा होने की चलते महिलाओं को होती है मुश्किल महिलाओं को खड़े होकर पेशाब करने की दी जा रही ट्रेनिंग
8
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाएं: पाकिस्तान की वनडे टीम के कप्तान शाहिद अफरीदी ने कहा है कि विश्व कप में कप्तानी को लेकर वह बिल्कुल भी परेशान नहीं हैं, क्योंकि वह अपने पूरे करियर में कभी कप्तानी के पीछे नहीं भागे। अफरीदी ने न्यूजीलैंड के खिलाफ 22 जनवरी से शुरू हो रही वनडे सीरीज के लिए रवाना होने से पहले संवाददाताओं से कहा, मैं अपने पूरे करियर में कभी कप्तानी के पीछे नहीं भागा। इस बारे में क्रिकेट बोर्ड को निर्णय करना होता है। अगर उन्हें लगता है कि मैं विश्व कप में टीम का नेतृत्व करने में सक्षम हूं, तो वे मुझे बरकरार रखेंगे। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने अब तक अगले महीने होने वाले विश्व कप के किए अंतिम टीम और कप्तान की घोषणा नहीं की है। न्यूजीलैंड के खिलाफ मिस्बाह उल हक की टेस्ट टीम की कप्तानी और उनके बल्ले से शानदार प्रदर्शन ने उन्हें भी विश्व कप के संभावित कप्तानों की कतार में खड़ा कर दिया है। अफरीदी ने कहा, मैं कप्तानी को लेकर किसी भी तरह का दबाव नहीं ले रहा हूं। मैं सीनियर खिलाड़ी हूं और मुझे पता है कि मुझे क्या करना है। अफरीदी के साथ शोएब अख्तर, अब्दुल रज्जाक, कामरान अकमल और अहमद शहजाद भी न्यूजीलैंड के लिए रवाना हुए।
सारांश: शाहिद अफरीदी ने कहा है कि विश्व कप में कप्तानी को लेकर वह बिल्कुल भी परेशान नहीं हैं, क्योंकि वह अपने पूरे करियर में कभी कप्तानी के पीछे नहीं भागे।
7
['hin']
एक सारांश बनाओ: ऑस्ट्रेलिया को जीत के लिए मैच के अंतिम दिन 233 रन बनाने थे, लेकिन विंडीज टीम कहां हार मानने वाली थी. उसने ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजी के शीर्ष क्रम को झकझोर दिया. कंगारुओं ने 109 रन पर ही 6 विकेट गंवा दिए. हालांकि कप्तान रिची बेनो और एलन डेविडसन ने मोर्चा संभाले रखा और 134 रनों की साझेदारी करके टीम को मैच में वापस ला दिया. मुकाबला फिर रोमांचक हो गया. कंगारुओं को जीत के लिए केवल 7 रन चाहिए थे, तभी डेविडसन 80 रन पर आउट हो गए. ऑस्ट्रेलिया को जीत के लिए 6 रन बनाने थे. उसने तीन रन बना भी लिए. अब दिन के अंतिम ओवर की चार गेंदें बाकी थीं, तभी बेनो (52) भी आउट हो गए. ऑस्ट्रेलिया को जीत के लिए आखिरी तीन गेंदों पर 3 रन बनाने थे, लेकिन उसके अंतिम दो विकेट आखिरी की दो गेंदों पर गिर गए और वह भी रनआउट हुए और ऑस्ट्रेलिया ने जीता हुआ मैच गंवा दिया. इस प्रकार यह मैच टेस्ट इतिहास के पहले टाई मैच के रूप में दर्ज हो गया. अब दिन के अंतिम ओवर की चार गेंदें बाकी थीं, तभी बेनो (52) भी आउट हो गए. ऑस्ट्रेलिया को जीत के लिए आखिरी तीन गेंदों पर 3 रन बनाने थे, लेकिन उसके अंतिम दो विकेट आखिरी की दो गेंदों पर गिर गए और वह भी रनआउट हुए और ऑस्ट्रेलिया ने जीता हुआ मैच गंवा दिया. इस प्रकार यह मैच टेस्ट इतिहास के पहले टाई मैच के रूप में दर्ज हो गया.
संक्षिप्त पाठ: पाकिस्तान रोमांचक ब्रिसबेन टेस्ट में 39 रन से हार गया टेस्ट इतिहास में अब तक दो ही मैच टाई पर समाप्त हुए हैं पहला मैच में ब्रिसबेन में हुआ था, जबकि दूसरा चेन्नई में
30
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: केंद्र सरकार द्वारा पेश किए गए बजट पर सीपीएम ने नाखुशी जाहिर की है और उद्योग जगत भी इससे खुश नहीं हुआ. सीपीएम ने कहा है कि सरकार किसानों को भीख की कटोरी क्यों पकड़ा रही है? एसोचैम ने कहा है कि कार्पोरेट टेक्स से राहत की उम्मीद थी जो पूरी नहीं हुई. सीपीएम के सांसद मोहम्मद सलीम ने NDTV से कहा कि किसानों के लिए 6000 रुपये के वार्षिक डायरेक्ट इनकम सपोर्ट का मतलब है सिर्फ 500 रुपये महिना. सरकार किसानों को भीख की कटोरी क्यों पकड़ा रही है? ये उन्होंने कहा कि यह एक जुमला है. सरकार ने इस बार आर्थिक सर्वेक्षण भी पेश नहीं किया. आर्थिक सर्वेक्षण से पता चलता कि अर्थव्यवस्था की हालत क्या है? सलीम ने कहा कि सौ स्मार्ट सिटी बना नहीं पाए और अब एक लाख डिजिटल विलेज बनाने की बात कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि नीति आयोग डेटा छुपा रहा है. पिछले साल  एक करोड़ 10 लाख लोग बेरोजगार हो गए. एसोचेम के अध्यक्ष बीके गोयनका ने NDTV से कहा कि अगर आप सीधे सवाल मुझसे पूछें कि स्माल, मीडियम इंटरप्राइजेस और कॉर्पोरेट सेक्टर के लिए बजट 2019 में क्या है तो मेरा जवाब होगा नो... हमें उम्मीद थी कि कॉर्पोरेट टैक्स में राहत मिलेगी लेकिन कोई राहत नहीं है.
कहा- यह एक जुमला, सरकार ने इस बार आर्थिक सर्वेक्षण भी पेश नहीं किया सौ स्मार्ट सिटी बना नहीं पाए, अब एक लाख डिजिटल विलेज बनाने की बात स्माल, मीडियम इंटरप्राइजेस और कॉर्पोरेट सेक्टर के लिए कुछ नहीं : एसोचैम
6
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: चीनी कंपनी Realme ने अपना नया फ्लैगशिप स्मार्टफोन Realme 3 Pro भारतीय मार्केट में उतारा है। 13,999 रुपये की शुरुआती कीमत में पेश किए गए इस हैंडसेट की सीधी भिड़ंत Redmi Note 7 Pro से होगी जो बेहद ही लोकप्रिय है। इसी प्राइस रेंज के Samsung Galaxy M30 को नज़रअंदाज नहीं किया जा सकता। Realme 3 Pro की पहली सेल 29 अप्रैल को दोपहर 12 बजे आयोजित होगी। इससे पहले हर किसी के मन में यही सवाल है कि रेडमी नोट 7 प्रो और सैमसंग गैलेक्सी एम30 जैसे हैंडसेट की तुलना में रियलमी 3 प्रो कितना दमदार है? अहम खासियतों की बात करें तो Realme 3 Pro में 6.3 इंच का फुल-एचडी+ डिस्प्ले है। इसमें स्नैपड्रैगन 710 प्रोसेसर है और यह आउट ऑफ बॉक्स एंड्रॉयड पाई पर आधारित कलरओएस 6.0 पर चलेगा। Realme 3 Pro के तीन कलर वेरिएंट लाए गए हैं। फोन पर गोरिल्ला ग्लास 5 की प्रोटेक्शन है। हमने आपकी सुविधा के लिए कीमत, स्पेसिफिकेशन और फीचर के आधार पर Realme 3 Pro की तुलना Redmi Note 7 Pro और Samsung Galaxy M30 से की है। रियलमी 3 प्रो का दाम 13,999 रुपये से शुरू होता है। इस दाम में 4 जीबी रैम और 64 जीबी स्टोरेज वेरिएंट मिलता है। फोन के 6 जीबी रैम + 128 जीबी स्टोरेज वेरिएंट का दाम 16,999 रुपये है। शाओमी ने Redmi Note 7 Pro के दो वेरिएंट उपलब्ध कराए हैं। 4 जीबी रैम + 64 जीबी स्टोरेज वेरिएंट को 13,999 रुपये में बेचा जाएगा। ग्राहक रेडमी नोट 7 प्रो के 6 जीबी + 128 जीबी वर्ज़न को 16,999 रुपये में खरीद पाएंगे। S सैमसंग गैलेक्सी एम30 की भारत में कीमत 14,990 रुपये से शुरू होती है। इस दाम में 4 जीबी रैम और 64 जीबी स्टोरेज वेरिएंट को बेचा जाता है। फोन के 6 जीबी रैम और 128 जीबी इनबिल्ट स्टोरेज मॉडल का दाम 17,990 रुपये है। Samsung Galaxy M30 ब्लैक और ब्लू रंग में उपलब्ध है। डुअल-सिम Realme 3 Pro आउट ऑफ बॉक्स एंड्रॉयड पाई पर आधारित कलरओएस 6.0 पर चलेगा। इसमें 6.3 इंच का फुल-एचडी+ (1080x2340 पिक्सल) आईपीएस डिस्प्ले है, 19.5:9 आस्पेक्ट रेशियो के साथ। 2.5 डी कर्व्ड ग्लास के साथ आने वाले इस फोन में कॉर्निंग गोरिल्ला ग्लास 5 की प्रोटेक्शन है। रियलमी 3 प्रो में कंपनी ने ऑक्टा-कोर क्वालकॉम स्नैपड्रैगन 710 प्रोसेसर का इस्तेमाल किया है। ग्राफिक्स के लिए एड्रेनो 616 जीपीयू इंटिग्रेटेड है। जुगलबंदी के लिए 6 जीबी तक रैम भी दिए गए हैं। अब बात कैमरा सेटअप की। Realme 3 Pro डुअल रियर कैमरा सेटअप के साथ आता है। पिछले हिस्से पर एफ/ 1.7 अपर्चर वाले 16 मेगापिक्सल प्राइमरी कैमरे के साथ एफ/ 2.4 अपर्चर वाला 5 मेगापिक्सल का सेकेंडरी कैमरा भी है। फ्रंट पैनल पर एफ/ 2.0 अपर्चर वाला 25 मेगापिक्सल का सेल्फी कैमरा है। कैमरा फीचर की बात करें रियलमी 3 प्रो में 960 फ्रेम प्रति सेकेंड सुपर स्लो मोशन वीडियो रिकॉर्डिंग, 64 मेगापिक्सल की तस्वीरें लेने के लिए अल्ट्रा एचडी मोड और ऑप्टिमाइज़्ड नाइटस्केप मोड है। Realme 3 Pro में पिछले हिस्से पर फिंगरप्रिंट सेंसर है। इनबिल्ट स्टोरेज 128 जीबी तक है और ज़रूरत पड़ने पर 256 जीबी तक का माइक्रोएसडी कार्ड इस्तेमाल करना संभव है। Realme का लेटेस्ट हैंडसेट ब्लूटूथ 5.0, 4जी एलटीई, वाई-फाई 802.11एसी, 3.5 एमएम हेडफोन जैक और माइक्रो-यूएसबी पोर्ट से लैस है। डिवाइस की बैटरी 4,045 एमएएच की है। यह VOOC 3.0 फास्ट चार्जिंग को सपोर्ट करती है। हैंडसेट का डाइमेंशन 156.8x74.2x8.3 मिलीमीटर है और वज़न 172 ग्राम। रेडमी नोट 7 प्रो “ऑरा डिज़ाइन” के साथ आता है। इसमें 6.3 इंच की फुल-एचडी+ स्क्रीन है, 19.5:9 आस्पेक्ट रेशियो और वाटरड्रॉप नॉच के साथ। फोन के फ्रंट और बैक पैनल पर 2.5डी कर्व्ड गोरिल्ला ग्लास 5 का इस्तेमाल हुआ है। स्मार्टफोन में 11एनएम प्रोसेस से बने क्वालकॉम ऑक्टा-कोर स्नैपड्रैगन 675 प्रोसेसर का इस्तेमाल हुआ है। रैम और स्टोरेज पर आधारित फोन के दो विकल्प हैं- 4 जीबी रैम के साथ 64 जीबी स्टोरेज और 6 जीबी रैम के साथ 128 जीबी स्टोरेज। दोनों ही वेरिएंट 256 जीबी तक के माइक्रोएसडी कार्ड को सपोर्ट करते हैं। अन्य स्पेसिफिकेशन की बात करें तो Redmi Note 7 Pro डुअल कैमरा सेटअप के साथ आता है। इसमें एफ/ 1.79 अपर्चर वाला 48 मेगापिक्सल का प्राइमरी सेंसर है। इसके साथ 5 मेगापिक्सल का सेकेंडरी डेप्थ सेंसर दिया गया है। फोन में एआई सीन डिटेक्शन, एआई पोर्ट्रेट मोड और नाइट मोड जैसे कैमरा फीचर हैं। इसके अलावा फोन में 13 मेगापिक्सल का सेल्फी सेंसर है। इस फोन के रियर कैमरे से यूज़र 4K वीडियो रिकॉर्ड कर पाएंगे। फोन एंड्रॉयड पाई पर आधारित मीयूआई 10 पर चलेगा। फोन की बैटरी 4,000 एमएएच की है और यह क्विक चार्ज 4.0 को सपोर्ट करेगी। इस फोन में रियर फिंगरप्रिंट सेंसर है। यूएसबी टाइप-सी पोर्ट, 3.5 एमएम ऑडियो जैक और डुअल सिम कनेक्टिविटी फीचर इस फोन का हिस्सा हैं। Redmi Note 7 Pro 4जी एलटीई, वाई-फाई, ब्लूटूथ 5.0 और इंफ्रारेड के साथ आता है। डुअल सिम सैमसंग गैलेक्सी एम30 में एंड्रॉयड 8.1 ओरियो पर आधारित सैमसंग एक्सपीरियंस वी9.5 है। नए Samsung हैंडसेट में 6.38 इंच का फुल-एचडी+ सुपर एमोलेड डिस्प्ले है। यह इनफिनिटी यू डिज़ाइन वाली स्क्रीन है और यह वाटरड्रॉरप नॉच से लैस है। Samsung Galaxy M30 में  Widevine L1 सर्टिफिकेशन है, यानी आप नेटफ्लिक्स और अमेज़न प्राइम वीडियो के एचडी कंटेंट को भी स्ट्रीम कर सकते हैं। फोन में ऑक्टा-कोर एक्सीनॉस 7904 प्रोसेसर के साथ 6 जीबी रैम दिए गए हैं। यह ट्रिपल रियर कैमरा सेटअप के साथ आता है। पिछले हिस्से पर एफ/ 1.9 अपर्चर वाला 13 मेगापिक्सल का प्राइमरी आरजीबी सेंसर है। इसके साथ 5 मेगापिक्सल का डेप्थ सेंसर और 5 मेगापिक्सल का अल्ट्रा वाइड एंगल लेंस दिया गया है। इस फोन में फ्रंट पैनल पर सेल्फी फोकस सपोर्ट वाला 16 मेगापिक्सल का सेंसर है। Galaxy M30 की इनबिल्ट स्टोरेज के दो विकल्प हैं- 64 जीबी/ 128 जीबी। ज़रूरत पड़ने पर 512 जीबी तक का माइक्रोएसडी कार्ड इस्तेमाल करना संभव होगा। Galaxy M सीरीज़ का लेटेस्ट स्मार्टफोन 5,000 एमएएच की बैटरी के साथ आता है। यह 15 वॉट की फास्ट चार्जिंग को भी सपोर्ट करता है। Samsung का दावा है कि गैलेक्सी एम30 की बैटरी आसानी से एक दिन तक साथ देगी। फोन में फिंगरप्रिंट सेंसर तो है ही, साथ में फेस अनलॉक फीचर के लिए सपोर्ट भी है।
दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: रियलमी 3 प्रो का दाम 13,999 रुपये से शुरू होता है शाओमी ने Redmi Note 7 Pro के दो वेरिएंट उपलब्ध कराए हैं सैमसंग गैलेक्सी एम30 की भारत में कीमत 14,990 रुपये से शुरू होती है
11
['hin']
इस पाठ का सारांश बनाओ: प्रसिद्ध भारतीय बल्लेबाज राहुल द्रविड़ ने इंग्लैंड में होने वाली एकदिवसीय श्रृंखला और टी-20 मैच के लिए टीम में चयन के कुछ ही घंटे बाद घोषणा की कि वह इंग्लैंड के खिलाफ एकदिवसीय श्रृंखला और एकमात्र टी-20 मैच खेलने के बाद खेल के इन दोनों संस्करणों से संन्यास लेंगे। करीब दो साल तक भारत के वनडे टीम से बाहर रहने के बाद आश्चर्यजनक तौर पर इंग्लैंड के खिलाफ पांच मैचों की एकदिवसीय श्रृंखला के लिए टीम में वापसी करने वाले द्रविड़ ने कहा कि वह इंग्लैंड के खिलाफ एकदिवसीय मैचों की श्रृंखला के लिए चुने जाने से आश्चर्यचकित हैं क्योंकि उन्हें दो साल से नहीं चुना गया था। नॉर्थम्पटनशायर के साथ भारत के अभ्यास मैच के समाप्त होने के बाद उन्होंने कहा, मैं भारतीय एकदिवसीय टीम में चुने जाने से सम्मानित महसूस कर रहा हूं। चूंकि विगत दो साल से एकदिवसीय क्रिकेट के लिए मुझे नहीं चुना गया तो निश्चित तौर पर मैं थोड़ा आश्चर्यचकित था। नॉर्थम्पटनशर के साथ अभ्यास मैच में द्रविड़ नहीं खेले। उन्होंने कहा, इस एकदिवसीय श्रृंखला के समाप्त होने के बाद मैं एकदिवसीय और टी-20 क्रिकेट से अपने संन्यास की घोषणा करना चाहूंगा और सिर्फ टेस्ट क्रिकेट पर ध्यान केंद्रित करूंगा। मैंने चयनकर्ताओं या बोर्ड को सिर्फ टेस्ट क्रिकेट पर ध्यान केंद्रित करने की अपनी इच्छा के बारे में नहीं सूचित किया था। उन्होंने कहा, मैं हमेशा की तरह इस एकदिवसीय श्रृंखला और मौजूदा टेस्ट श्रृंखला में भारत के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ देने को प्रतिबद्ध हूं।
द्रविड़ ने कहा कि वह इंग्लैंड के खिलाफ एकदिवसीय मैचों की श्रृंखला के लिए चुने जाने से आश्चर्यचकित हैं क्योंकि उन्हें दो साल से नहीं चुना गया था।
1
['hin']
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: बीजेपी नेता और महाराष्ट्र की महिला एवं बाल कल्याण मंत्री पंकजा मुंडे के विभाग से जुड़े नए आरोप सामने आए हैं. आम आदमी पार्टी की सदस्य प्रीति शर्मा-मेनन ने एक संवाददाता सम्मेलन कर दावा किया है कि पंकजा ने नियम तोड़ मरोड़कर एकात्मिक बाल विकास योजना (ICDS) के तहत पोषण आहार बनाने के ठेके फर्जी स्व सहायता समूहों को दिए. प्रीति शर्मा मेनन का आरोप है कि कुल 5439.40 करोड़ रुपये के ठेकों में से 4805.78 करोड़ रुपये के ठेके तीन ऐसे समूहों को दिए गए जिन्हें सुप्रीम कोर्ट ने ब्लैक लिस्ट किया है. जबकि, 633.50 करोड़ रुपये के ठेके जिन 15 समूहों को दिए गए उसमें से 12 अपात्र हैं. न्यायालय के आदेशानुसार ठेके केवल महिला संचालित स्व सहायता समूह को ही दिए जाने चाहिए. इसके बावजूद जिन्हें ठेके मिले हैं वहां महिलाओं का केवल नाम है, असली ताकत पुरुषों के हाथ में है. प्रीति शर्मा मेनन की मांग है कि ठेकों में ऐसी धांधली करने के बाद पंकजा मुंडे मंत्री पद पर बने रहने के योग्य नहीं हैं.टिप्पणियां ज्ञात हो कि पंकजा मुंडे इस प्रकार के आरोप इससे पहले भी झेल चुकी हैं जिसे चिकी घोटाले के नाम से जाना गया है. इस बार उनका जवाब फौरन तैयार है. आम आदमी पार्टी के आरोपों के जवाब में पंकजा मुंडे कहती हैं कि ठेके सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार दिए गए हैं और यह आदेश पाने के लिए वे खुद कोर्ट में गई थीं. उनका यह भी कहना है कि इसके बावजूद अगर कहीं गलत फैसले हुए हैं तो वे उन्हें सुधार देंगी. वैसे इस बीच आम आदमी पार्टी ने सबूत समेत दावा किया है कि ठेकों के बदले में महाराष्ट्र बीजेपी अध्यक्ष रावसाहब दानवे को 5 लाख रुपये दिए गए. आप की सदस्य प्रीति शर्मा-मेनन ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में मोरेश्वर बचत गुट के बैंक एकाउंट की वह एंट्री दिखाई जहां आरडी दानवे के नाम से 5 लाख रुपये चेक द्वारा दिए गए हैं. इस मामले पर दानवे की तरफ से अभी तक सफाई नहीं दी गई है. प्रीति शर्मा मेनन का आरोप है कि कुल 5439.40 करोड़ रुपये के ठेकों में से 4805.78 करोड़ रुपये के ठेके तीन ऐसे समूहों को दिए गए जिन्हें सुप्रीम कोर्ट ने ब्लैक लिस्ट किया है. जबकि, 633.50 करोड़ रुपये के ठेके जिन 15 समूहों को दिए गए उसमें से 12 अपात्र हैं. न्यायालय के आदेशानुसार ठेके केवल महिला संचालित स्व सहायता समूह को ही दिए जाने चाहिए. इसके बावजूद जिन्हें ठेके मिले हैं वहां महिलाओं का केवल नाम है, असली ताकत पुरुषों के हाथ में है. प्रीति शर्मा मेनन की मांग है कि ठेकों में ऐसी धांधली करने के बाद पंकजा मुंडे मंत्री पद पर बने रहने के योग्य नहीं हैं.टिप्पणियां ज्ञात हो कि पंकजा मुंडे इस प्रकार के आरोप इससे पहले भी झेल चुकी हैं जिसे चिकी घोटाले के नाम से जाना गया है. इस बार उनका जवाब फौरन तैयार है. आम आदमी पार्टी के आरोपों के जवाब में पंकजा मुंडे कहती हैं कि ठेके सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार दिए गए हैं और यह आदेश पाने के लिए वे खुद कोर्ट में गई थीं. उनका यह भी कहना है कि इसके बावजूद अगर कहीं गलत फैसले हुए हैं तो वे उन्हें सुधार देंगी. वैसे इस बीच आम आदमी पार्टी ने सबूत समेत दावा किया है कि ठेकों के बदले में महाराष्ट्र बीजेपी अध्यक्ष रावसाहब दानवे को 5 लाख रुपये दिए गए. आप की सदस्य प्रीति शर्मा-मेनन ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में मोरेश्वर बचत गुट के बैंक एकाउंट की वह एंट्री दिखाई जहां आरडी दानवे के नाम से 5 लाख रुपये चेक द्वारा दिए गए हैं. इस मामले पर दानवे की तरफ से अभी तक सफाई नहीं दी गई है. ज्ञात हो कि पंकजा मुंडे इस प्रकार के आरोप इससे पहले भी झेल चुकी हैं जिसे चिकी घोटाले के नाम से जाना गया है. इस बार उनका जवाब फौरन तैयार है. आम आदमी पार्टी के आरोपों के जवाब में पंकजा मुंडे कहती हैं कि ठेके सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार दिए गए हैं और यह आदेश पाने के लिए वे खुद कोर्ट में गई थीं. उनका यह भी कहना है कि इसके बावजूद अगर कहीं गलत फैसले हुए हैं तो वे उन्हें सुधार देंगी. वैसे इस बीच आम आदमी पार्टी ने सबूत समेत दावा किया है कि ठेकों के बदले में महाराष्ट्र बीजेपी अध्यक्ष रावसाहब दानवे को 5 लाख रुपये दिए गए. आप की सदस्य प्रीति शर्मा-मेनन ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में मोरेश्वर बचत गुट के बैंक एकाउंट की वह एंट्री दिखाई जहां आरडी दानवे के नाम से 5 लाख रुपये चेक द्वारा दिए गए हैं. इस मामले पर दानवे की तरफ से अभी तक सफाई नहीं दी गई है. वैसे इस बीच आम आदमी पार्टी ने सबूत समेत दावा किया है कि ठेकों के बदले में महाराष्ट्र बीजेपी अध्यक्ष रावसाहब दानवे को 5 लाख रुपये दिए गए. आप की सदस्य प्रीति शर्मा-मेनन ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में मोरेश्वर बचत गुट के बैंक एकाउंट की वह एंट्री दिखाई जहां आरडी दानवे के नाम से 5 लाख रुपये चेक द्वारा दिए गए हैं. इस मामले पर दानवे की तरफ से अभी तक सफाई नहीं दी गई है.
संक्षिप्त पाठ: एकात्मिक बाल विकास योजना के तहत पोषण आहार के ठेके देने का मामला तीन ऐसे समूहों को ठेके दिए जिन्हें सुप्रीम कोर्ट ने ब्लैक लिस्ट किया ठेके पाने वाले 15 स्व सहायता समूहों में से 12 अपात्र
22
['hin']