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आल्हा ऊदल एत्तो बारता बा रुदल के आल्हा के सुनीं हवाल केत्ता मनौलीं बघ रुदल के लरिका कहल नव मानल मोर बावन कोस के गिरदा में बघ रुदल डिगरी देल पिटवाय लिखल पाँती बघ रुदल तिलरी में देल पठाय तेली बनियाँ चलल तिलरी के लोहन में आफत काल पाँती भेजवो नरबर गढ़ राजा मेदनी सिंह के दरबार चलल जे राजा बा मेदनी सिंह मोहबा में पहुँचल जाय ...
bhojpuri-bho
फाग गीत नणदल ने भोजाई दोइ , भेलो पाणी लावे रे ॥ नणदल चाली सासरे , भोजाई रोवे रे , जोड़ी बिखरगी ॥ हाँ रे जोड़ी बिखरगी , नणदोई थारी वेल वधजो रे , जोड़ी बिखरगी ॥ ननद और भाभी दोनों साथ में पानी लाती हैं । ननद ससुराल चली तो दोनों की जोड़ी टूट गई । जोड़ी टूटी , किन्तु भाभी ननदोई को आशीर्वाद देती है कि आपकी वंश वृद्धि हो ।
bhili-bhb
होरी खेलन आयौ श्याम होरी खेल आयौ श्याम , आज याहि रंग में बोरौ री ॥ कोरेकोरे कलश मँगाओ , रंग केसर घोरौ री । रंगबिरंगौ करौ आज कारे तो गौरौ री ॥ होरी . पार परौसिन बोलि याहि आँगन में घेरौ री । पीताम्बर लेओ छीनयाहि पहराय देउ चोरौ री ॥ होरी . हरे बाँस की बाँसुरिया जाहि तोर मरोरौ री । तारी देदै याहि नचावौ अपनी ओड़ौ री ॥ होरी ...
braj-bra
जोगी आयो शहर में व्योपारी जोगी आयो शहर में व्योपारी २ अहा , इस व्योपारी को भूख बहुत है , पुरिया पकै दे नथवाली , जोगी आयो शहर में व्योपारी । अहा , इस व्योपारी को प्यास बहुत है , पनियापिला दे नथ वाली , जोगी आयो शहर में व्योपारी । अहा , इस व्योपारी को नींद बहुत है , पलंग बिछाये नथ वाली जोगी आयो शहर में व्योपारी २
kumaoni-kfy
बीरा थे दाम्मण भल ल्याईओ बीरा थे दाम्मण भल ल्याईओ चुन्दड़ी पर रतन जड़ाईओ म्हारा रिमक झिमक भाती आईओ बेस्सर थे भल ल्याइओ झूमर पर रतन जड़ाईयो म्हारा रिमक झिमक भाती आईओ बोरलै पै रतन जड़ाईयो म्हारा रिमक झिमक भाती आईयो
haryanvi-bgc
सामन भदोइया क निसि अधिरतिया सामन1 भदोइया2 क निसि अधिरतिया , मलका मलके3 सारी रात हे । बिजली चमके चहुँ ओर हे । खाट छोड़िए भुइयाँ4 सुतली दुलरइतिन बेटी , रोइ रोइ कयल5 बिहान6 हे । दुअरे से अयलन दादा दुलरइता दादा , बेटी से पूछे साधु बात7 हे । कउन संकटिया8 तोरा आयल गे बेटी , रोइ रोइ कयल बिहान हे ॥ 2 ॥ हमरा सुरतिया जी दादा तोर...
magahi-mag
ब्याही थी रे बिलसी नाहीं ब्याही थी रे बिलसी नाहीं , या क्या हुई प्यारी ए तोड़ी थी रे सूंघी नाहीं , ली थी गले में डार प्यारी ए घर घर की दीवा घर घर बाती , रंडुवे के घर घोर अंधेरा ए घर घर भोजन घर घर रोटी , मेरे घर ढकनी में चून प्यारी ए दामन चुंदरी खूंटी धरे हैं , एक बार पहर दिखाय प्यारी ए पानी की गगरी रीती धरी है , इक बार...
haryanvi-bgc
तेरो हरयो ए पीपल संपुल तेरो हरयो ए पीपल संपुल फलियो बैलड़ी फलछाइयो एक दूर देसां ते मेरी भुआ ए आई कर बड़ गोतण आरतो एक दूर देसां ते मेरी भाणलए आई कर मेरी मां की जाई आरतो एक आरता को मैं भेद ना जाणू कै विध कीजो भैण्यो आरतो एक हाथ लोटो गोद बेटो कर मेरी मां की जाई आरतो एक हाथ कसीदो गोद भतीजो कर बड़ गोतण आरतो एक आरता की गाय ल...
haryanvi-bgc
ए परदेसी चाल्या जाइये ए परदेसी चाल्या जाइये , घर बूझे सै मारे नै ए मेरी मां बाम्हण कै जारी बाबल नम्बरदारी मैं ए मेरी भाभी माण्डे पोवै , दाल रघैं म्हारे हारे मैं ए मेरा बीरा ढोल जिमावै , जले की नजर चुबारे मैं ए मेरी माता लत्ते दिखावै , बैली करदी बाड़ै मैं
haryanvi-bgc
बांका रहिए जगत में बांका रहिए जगत में बांके का ही आदर होय । बांकी बन की लाकड़ी काट सके ना कोय । ।
haryanvi-bgc
कै भड़ को आइ होलो, यो दल-बल कै भड़1 को आइ होलो , यो दलबल , कै भड़ की आई होली , या पिंगली पालंकी , केक सेन्दो बाबा जी , निंद सुनिंद , ऐ गैन बाबा जी , जनती2 का लोक , नी सेन्दू बेटी मैं , निन्द सुनिंद । तेरी जनीत कांद ओगी लौलू बरमा जी करला , गणेश की पूजा , वर तैं लगौलू मंगल पिठाई ।
garhwali-gbm
डाची वालेया मोड़ मुहाल वे डाची वालेआ मोड़ मुहार वे सोहणी वालेआ लै चल नाल वे डाची वालेआ मोड़ मुहार वे . . . तेरी डाची दे गल विच्च टल्लीआं वे मैं पीर मनावन चलीआं तेरी डाची दी सोहनी चाल वे ओये डाची वालेया मोड़ मुहार वे . . . तेरी डाची थलां नू चीरनी वे मैं पीरां नू सुख्खनी आ खीरनी आके तक्क जा साडा हाल वे ओये डाची वालेआ मोड...
panjabi-pan
ऐसी के जल्दी मचाई हरियाली ऐसी के जल्दी मचाई हरियाली रासन में सादी कराई हरियाली बीबी मात्थे तुम्हारे अीका बिन्दी पै रतन जड़ाई हरियाली रासन में सादी कराई . . . बीबी गल तुम्हारे नकलिस लोकिट पै रतन जड़ाई हरियाली रासन में सादी कराई . . . बीबी हाथ तुम्हारे कंगणा मंहदे पै रतन जड़ाई हरियाली रासन में सादी कराई . . . बीबी पैर तु...
haryanvi-bgc
कंहवा कै यह माती हथिनिया कंहवा कै यह माती हथिनिया , कंहवा कै यह जाए केहिके दुआरे लवंगिया कै बिरवा , तेहि तरे हथिनी जुड़ाए उन्ह्वा वर का निवास कै यह माती हथिनिया , उन्ह्वा वधु का निवास कै यह जाए फलाने बाबू वधु के पिता का नाम द्वारे लवंगिया कै बिरवा , तेहि तरे हथिनी जुड़ाए महला से उतरे हैं भैया कवन बाबु वधु के भाई का नाम...
awadhi-awa
घुमेरदार लंजो बादिला लेता आइजो जी घुमेरदार लंजो आलीजा लेता आइजो जी घुमेरदार लंजो घुमेरदार लंजो . . . अन्दाता लेता आइजो जी घुमेरदार लंजो म्हारे माथा ने मैमद लाइजो और रखडी रतन जड़ाई जो . . . बादिला लेता आइजो जी घुमेरदार लंजो आलीजा लेता आइजो जी घुमेरदार लंजो घुमेरदार लंजो . . . अन्दाता लेता आइजो जी घुमेरदार लंजो म्हारी बै...
rajasthani-raj
नदी बहै, नाला बहै नदी बहै , नाला बहै , बहै सरयू नदिया वही देखी मलाहा थरथर काँपै हे , वही देेखी दूध लेनें खड़ा छै गुअरा केरोॅ पुतवा हे केना होवै सरोवरनदी पार टुटलियो जे नैया छै कोसी माय टुटलियो जे पतवार , कैसें होवै सरोवरनदी पार चंदन छेवीछेवी मलाहा नैया बनैहौ महुआ छेवीये पतवार वही चढ़ी होवै सरोवरनदी पार । खेवैतें हे खेव...
angika-anp
बाबा मांडा बल ग्या मैं खा ल्यूंगा बाबा मांडा बल ग्या मैं खा ल्यूंगा बाबा यू बी बलग्या यू बी खा ल्यूंगा बाबा सारे बलगे सारे मैं खा ल्यूंगा बाबा कुणबा के तन्नै खागा
haryanvi-bgc
तोरे पाव परत महामाई हो मोरी अरज सुनो तोरे पांव परत महामाई हो , मोरी अरज सुनो माया के तेरे भरे हैं खजाने , धन दौलत मैया कछु न चाने बिनती सुनो हमारी हो मोरी अरज सुनो . . . दुष्ट दलन जगदम्बा भवानी , तो सम नहिं मैया कोऊ दानी करो कृपा हर्षायी हो । मोरी . . . नाहिं चाहो मैया महल अटारी इतनी है बस बिनय हमारी रहो चरन चितलाई , ह...
bundeli-bns
347 छेड़ खुंदरां भेड़ मचावना एं सेकां लिंग तेरे नाल सोटयां दे असीं जटियां मुशक पलटियां हां नक पाड़ सुटे जिन्नां झोटयां दे जदों मूहलियां पकड़ के गिरद होइयां पिसते कढिये टीनयां कोटयां दे जट जुटके कुटिये नाल सोटे एह अलाज नी चितड़ां मोटयां दे लपर शाह दा बालका शाह भखड़ तैथे वल है ऐड लपोटयां दे वारस शाह रोडा सिर कन्न पाटे एह...
panjabi-pan
495 कही छिंज1 घती अज तुसां भैणां खुआर कीता जे मैं निघर जांदड़ी नूं भइआं पिटड़ी कदों मैं गई किते किओं उडाया जे मैं मुनसखांदड़ी2 नूं छज छाननी घत उडाया जे मापे पिटड़ी ते लुड जांदड़ी नूं सैदे खेड़ी दे ढिड विच सूल होया सदन गई सां मैं किसे मांदरी3 नूं
panjabi-pan
174 हीरमाउं देनाल आ लड़न लगी तुसां साक कीता नाल जोरियां दे कदों मंगया मुनस मैं तुध कोलों बैर कढया ने लाल घोरियां दे हुण करें वलाए क्यों असां कोलों एह कम्म ना हुंदे ने चोरियां दे जेहड़े होन विआकुल चा लावंदे ने इटां बारियां दीयां विच मोरियां दे चाए चुगद1 नूं कंूज दा साक दितो परी बधीया ई गल ढोरियां दे वारस शाह मियां गनां ...
panjabi-pan
बड़ए बगड़तै सती राणी नीसरी भर गोबर की हेल बड़ए बगड़तै सती राणी नीसरी भर गोबर की हेल गोबर छिड़का भोली रााी भोंपड़ी धरती में हुवाए लिपाव बड़ए बगड़तै सती रानी नीसरी भर गीव्हां की हेल गीहव छिड़का भोली राणी भोंपड़ी धरती में राख्यो ए बीज बड़ाए बगड़तै सती राणी नीसरी भर लोटा जल नीर गड़वा तो छिटका भोंपड़ी धरती हुयाए सिलाव
haryanvi-bgc
दै दै मुरलिया मोरी राधिका कृष्ण : दै दे मुरलिया मोरी राधिका , दै दे मुरलिया मोरी राधिका दै दे मुरलिया कृष्ण : यह मुरली मोरे प्राण बसत है वहो भाई रे चोरी राधिका , वहो भाई रे चोरी राधिका दै दे मुरलिया . . . कृष्ण : काहे से गौबे काह बजौबे काहे से गौवें टेरी राधिका , काहे से गौवें टेरी ? गायों को कैसे बुलाऊँ राधिका दै दे म...
awadhi-awa
विवाह गीत भोलो ईश्वर अकनो कुवारो । भोली गवरां नी मांगणी करे । भोलो ईश्वर बाने बठो । भोली गवरां बाने बठी । सीदा वादा करें । भोला ईश्वर नी बरात चाली । भोली गवरां ना फेरा लाग्या । बरात पछि घेर आवी । लाव वो रांड मारा जूटा देख दे । सातला नो ईसो कर्यो गवरां । पागड़ी नो ईसोवो ईश्वर ना माथा हेट । चाल ने घरी उतरी न पड़ी वो भूंड...
bhili-bhb
11 तकदीर सेती मौजू फौत होया1 भाई रांझे दे नाल खहेड़दे ने खाये रज के घूरदा फिरे रन्ना कढ रिकता2 धीदो नूं छेड़दे ने नित सजरा3 घाव कलेजड़े दागलां त्रिखियां नाल उचेड़दे ने भाई भाबीयां वैर दीयां करन गलां एहो झिंजटां नित नबेड़दे ने
panjabi-pan
123 दिन होवे दुपहर ते आए रांझा अते ओधरों हीर भी आवंदी ए रांझा महीं लया बहांवदा ई ओह नाल सहेलियां आंवदी ए ओह वंझली नाल सरोद करदा हीर नाल सहेलियां गांवदी ए काई जुलफ नचोड़दी रांझणे ते काई नाल कलेजे दे लांवदी ए काई चमड़ी लक नूं मशक बोरी काई मुख नूं मुख नूं मुख छुहांवदी ए काई मीरियां आख के भज जांदी मगर पवे ते टुबियां लांवदी...
panjabi-pan
गढ़ हो गुंडी उप्पर नौबत वाज निमाड़ में विवाह के अवसर पर गया जाने वाला " गणपति " गढ़ हो गुंडी उप्पर नौबत वाज नौबत वाज इंदर गढ़ गाज टो झीनी झीनी झांझर वाज हो गजानन १ जंव हो गजानन जोसी घर जाजो तों अच्छा अच्छा लगीं निकालो हो गजानन गढ़ हो . . . २ जंव हो गजानन बजाजी घर जाजो तों अच्छा अच्छा कपडा ईसावो हो गजानन ३ जंव हो गजानन ...
nimadi-noe
राजा राजा राजा जा हीरा कुंवरा राजा राजा राजा जा हीरा कुंवरा राजा राजा राजा जा हीरा कुंवरा राजा मारे हीरा कुंवरा राजा मारे राजा मारे हीरा कुंवरा राजा मारे इयां लाज कुसुवाजा हीरा कुंवरा इयां लाज कुसुवाजा हीरा कुंवरा राजा मारे हीरा कुंवरा राजा मारे राजा मारे हीरा कुंवरा राजा मारे आमा लाज कुसुवाकेन सुईनी आमा लाज कुसुवाकेन ...
korku-kfq
भरथरी लोक-गाथा - भाग 4 कलपीकलप भरथरी ये रानी संग में आय देख तो भरथरी पूछत हे सामदेई ये ओ बानी बोलत हे राम भेद नई जानँव सुन जोड़ी मोर बात सोनपलंग कइसे टूटे गा , कइसे टूटे गा , भाई ये दे जी । तब तो बोलय भरथरी ह कोन जानत हे ओ भेद ल देतिस बताय जानी लेतेंव कइना ए दे बोलत हे न भरथरी ह ओ सामदेई ये न , सुन्दर बानी बताय सुन राज...
chhattisgarhi-hne
दो डूंगर विच पाट दो डूंगर विच पाट किण घर जास्या माता पामणा जास्यां , जास्यां ईश्वरजी दरबार रणू बाई देगा माता वेसणो बेसन देस्यां भम्मरिया रा पाट घूघरिया रा घाट ओढ़ा वस्यां जीमण देस्यां दूध ने भात खीर खांड गपरनी जिमाइस्यां
malvi-mup
आल्हा ऊदल कौड़ी लागे फुलवारी के मोर कोड़ी दे चुकाय तब ललकारे डेबा बोलल मुँगिया लौंड़ी के बलि जाओं हम तो राजा लोहगाँ के दुनियाँ सिंघ नाम हमार नेंवता ऐली समदेवा के उन्ह के नेंतवा पुरावन आय एतनी बोली जब सुन गैले लौंड़ी के भैल अँगार करे हिनाइ बघ रुदल के सेरहा चाकर पर मालिक के रुदल रोटी बिरानी खाय कत बड़ सोखी बघ रुदल के जे ...
bhojpuri-bho
336 तेरियां सेलियां तों असीं नहीं डरदे कोई डरे ना भीलदे साग कोलों ऐवें मरीदा जानसे एस पिंडों जिवें खिसकदा कुफर है बाग कोलों सिर कज के तुरेंगा झब जटा जिवें सप उठ चलदा डांग कोलो ऐवें खपरी सुट के जाएंगा तूं जिवें धाड़वी खिसकदा काग कोलों मेरे डिठया गई है जान तेरी जिवें चोर दी जान झलांग1 कोलों तेरी टोटड़ी2 फरकदी सप वांगू आ ...
panjabi-pan
होजी म्हार आंगणे कुपलो खणायो होजी म्हार आंगणे कुपलो खणायो हिपड़ा इतरो पाणी होजी जूड़ो छोड़ी ने न्हावण बैठिया ईश्वरजी घर की राणी होजी झाला झलके , झुमणा रक के वोले अमरित वाणी होजी अमरित का दोई प्याला भरिया कूंक दी पिंगाणी
malvi-mup
विवाह -गीत - मोरे पिछवरवाँ लौंगा कै पेड़वा मोरे पिछवरवाँ लौंगा कै पेड़वा लौंगा चुवै आधी रात लौंगा मै चुन बिन ढेरिया लगायों लादी चले हैं बनिजार लड़ चले हैं बनिजरवा बेटौवा लादि चले पिय मोर हमरो डरिया फनावो बंजरवा हमहूँ चालब तोहरे साथ भुखियन मरिबू पियासियन मरबू पान बिन होठ कुम्हिलाय कुश कै गडरिया धना डासन पैइबू अंग छोलय छ...
awadhi-awa
कामना पूरी करो माई कामना पूरी करो माई कामना पूरी करो माई , कामना पूरी करो माई । पूरना पूरी करो माई । के माई मोरी काहे को तेरो मंदिर काहे के लगे खम्भे री माई । पूरना . . . के माई मोरी , सोने को तेरो मंदिर रूपे के चारो , खम्भा री माई । पूरना . . . के माई तेरों , काहे को लागे भोग काहे को भरी , झाड़ी री माई । पूरना . . . क...
bundeli-bns
आजु देखली हम एक रे सपनमा आजु देखली हम एक रे सपनमा । सूतल हली1 हम अपन कोहबरिया ॥ 1 ॥ ओने से2 अयलइ बाँके रे सिपहिया । पकड़ि बाँधल मोरा पिया सुकमरिया ॥ 2 ॥ छोडूँ छोडूँ दुलहा हे हमरो सिपहिया । बिहरे3 मोरा देखि बजर के छतिया ॥ 3 ॥ जो तोहिं देहीं धानि बाला4 रे जोबनमा । छोड़िए देऊँ5 तोहर पिया सुकमरिया ॥ 4 ॥ पिया देखि देखि मोरा...
magahi-mag
सांझी सांझा हे कनागत परली पार सांझी सांझा हे कनागत परली पार देखण चालो हे संज्ञा के लणिहार वह तो देखिया भाला हे चन्दा लाम जड़ाम देखण चाली हे सांति के लणिहार वह तो देखिया भाला हे चन्दा लाम जड़ाम
haryanvi-bgc
आई हरि जु की पौढी आई हरि जु की पौढी , बधाए लाई मालनिया । आई हरि जु की पौढी , बधाए लाई मालनिया ॥ हरे –हरे गोबर अँगना लिपाए , मालनिया , मोतियन चौक पुराए , सुघडपति मालनिया । कुम्भ कलश अमरत भर लाई , मालनिया , अमुवा की डार झकोरी , सुघडपति मालनिया । इन चौकन रानी के ईसरदासजी घर के पुरुष सदस्यों के नाम बैठे मालनिया , संग सजन क...
braj-bra
बुल्ला की जाणाँ मैं कौण! बुल्ला की जाणाँ मैं कौण ना मैं मोमन1 विच्च मसीताँ , ना मैं विच्च कुफर2 दीआँ रीता , ना मैं पाकाँ3 विच्च पलीताँ4 ना मैं मूसा ना फरऔन । बुल्ला की जाणाँ मैं कौण ना मैं अंदर वेद किताबाँ , ना मैं विच्च भंगाँ ना शराबाँ ना विच्च रिन्दाँ मस्त खराबाँ , ना विच्च जागण ना विच्च सौण । बुल्ला की जाणाँ मैं कौण...
panjabi-pan
नृत्य गीत आंबि सांबि खेलो वो लिलरियो । गेंद्यो फूल खेलो वो लिलरियो । आइणि रांड के धरो वो लिलरियो । गेंद्यो फूल खेलो वो लिलरियो । आइणि रांड के धरो पुण डरो निहिं । एक दूसरी के गले और कमर में हाथ डालकर , हाथ पकड़कर नाचते हुए महिलाएँ यह गीत गाती हैं । आमनेसामने दो भागों में बँटकर यह गीत गाया जाता है आमनेसामने लिलरिया खेल र...
bhili-bhb
267 खाह रिज़क हलाल ते सच बोलीं छड देह तूं यारियां चोरियां ओए तोबा कर तकसीर मुआफ तेरी जेहड़ियां पिछलियां सफान घोरियां ओए ओह छड चाले गवार पुने वाले चुन्नी पाड़ के कीतियां मोरियां ओए पिछा छड जटा कौतां सांभ लइयां जो सी पाड़ियां खड दियां बोरियां ओए जो अराहकां1 जोत रत्ना लईए जेहड़ियां अरलियां2 भंनियां तोड़ियां ओए धोये धोये क...
panjabi-pan
476 चैधराइयां छड के चाक बनयां मही चार के अंत नूं चोर होए कौल कवारियां दे लोहड़े मारियां दे उधल हारियां दे वेखो होर होए मां बाप करार कर कोल हारे कम्म खेढ़यां दे जोरों जोर होए राह सच दे ते कदम धरन नाहीं जिन्हां खोटयां दे दिल खोर होए तेरे वासते मिले हां कढ देसों असीं अपने देस दे चोर होए वारस शाह ना अकल ते होश रहियां मारे ...
panjabi-pan
बीबी तेरे बाबा जी खड़े बीबी तेरे बाबा जी खड़े रामरथ हांक दिया बीबी मांगणा हो सोए मांग अभी तो तनैं मिल सकदा मैं तो बर मांगूं भगवान देवर छोटे लछमन से मैं तो मांगू कुसल्या बरगी सास ससुर राजा जसरथ से मैं तो मांग अजुध्या जी का राज तख्त बैठी हुकम करूं
haryanvi-bgc
जाय जगावहु कवन पितर लोग, भेलन पोता जाय जगावहु1 कवन2 पितर लोग , भेलन पोता । पोता भेल बंसबाढ़न , 3 बहु4 जुड़वावस5 ॥ 1 ॥ देइ घालऽ6 सोने के हँसुअवा , होरिला नार काटस7 ॥ 2 ॥ भोंरहिं राम जनम ले लें साँझहि लछुमन हो । आधे राते भरथ भुआल , मोरे रे राम जनम ले ले हो ॥ 3 ॥ दियवा8 खोजन गेलूँ , 9 दियवो न मिलल , दियरवो10 न मिलल । ललना...
magahi-mag
384 भाबी जोगी दे वडे कारने नी गलां नहीं सुनियां कन्न पाटयां दीयां रोक बन्ह पल दुध दही पीवन वडिया चाटिया जोड़दे आटयां दीयां गिठ गिठ नाखुन वाले रिछां वांगू पलमन लछियां लागड़ा पाटयां दीयां वारस शाह एह मसत के पाट लथा रगां किरलयां वाग हनगाटयां दीयां
panjabi-pan
हीर हीर अक्खाँ जोगिया झूठ बोले कौण विछड़े यार मिलावदाँ ई ऐसा कोई ना मिलया वें मैं ढूँढ थकी जेड़ा गया नूँ मोड़ लेयावँदा ई मेल रूहाँ दे अज़ल दे रोज़ होए ते सच्चे इश्क दी न्यूँ तामीर होई फुल्ल खिल गये पाक मोहब्बताँ दे कोई राँझा होया , कोई हीर होई साडे चम दियाँ जुतियाँ करे सोई जेड़ा ज्यू दा रोग गवावदाँई भला दस खाँ चिड़ि व ...
panjabi-pan
हम तोरा पूछिला कवन अलबेलवा हम तोरा पूछिला1 कवन अलबेलवा । के रे2 सम्हारे बाबू के एहो रँगल मउरिया ॥ 1 ॥ मलिया के जलमल3 बँगाली बहनोइया । ओही रे सम्हारे बाबू के एहो रँगल मउरिया ॥ 2 ॥ हम तोरा पूछिला कवन अलबेलवा । के रे सम्हारे बाबू के एहो रँगल जोड़वा4 ॥ 3 ॥ दरजिया के जलमल बँगाली बहनोइया । ओही रे सम्हारे बाबू के एहो रँगल जोड...
magahi-mag
12 हजरत काज़ी ने पैंच सदा सारे भाइयां जिमीं नूं कछ पवाइयां ई वढी दे के जिमीं लै गये चंगी बंजर जिमीं रंझेटे नूं आइया ई कछां मार शरीक मजाक करदे भाइयां रांझे दे बाब बनाइया ई गल भाइयां भाबिआं एह बना छडी मगर जट दे फकड़ी लाइया ई
panjabi-pan
बाबा देस जांदा परदेस जाइयो बाबा देस जांदा परदेस जाइयो म्हारी जोड़ी का बर ढूंडियो लाडो देस जांदा परदेस जांगा , ढूंडिया सै फूल गुलाब का ताऊ देस जांदा परदेस जाइयो म्हारी जोड़ी का वर ढूंडियो लाडो देस जांदा परदेस जांगा , ढूंडिया सै फूल गुलाब का मामा देस जांदा परदेस जाइयो म्हारी जोड़ी का वर ढूंडियो लाडो देस जांदा परदेस जांगा...
haryanvi-bgc
गज गज नींव न्हकाव क्यों नी हो गज गज नींव न्हकाव क्यों नी हो फलाणा राज का फलाणा राय राय सुन्नारी अंगूठी हो राज रंग रो बधावो वऊवड़ झेलो क्योंनी वो फलाणी बऊ री फलाणी बऊ राय सुन्नारी अंगूठी हो राज ।
malvi-mup
इतल पीतल इतळ पीतळ रो भर लाई बेवड़ो रे झांझरिया मारा छैल कोई कांख मेला टाबरिया री आन मैं जाऊं रे जाऊं रे पीहरिये सासू बोले छे म्‍हाने बोलणा रे झांझरिया मारा छैल कोई बाईसा देवे रे म्‍हाने गाल मैं जाऊं रे जाऊं रे पीहरिये आया बीरो सा म्‍हाने लेवा ने रे झांझरिया मारा छैल ज्‍यारी कांई कांई करूं मनवार मैं जाऊं रे जाऊं रे पीहर...
rajasthani-raj
ढोलर बाज्यो रे, बाज्यो रे ढोलर बाज्यो रे , बाज्यो रे सईयों आई सावण तीज सुहावणी , नान्हीनान्ही बूँद पड़े छे म्हारो लहरयो भीज्यो रे सईयों आई सावण तीज सुहावणी , ढोलर बाज्यो रे , बाज्यो रे सईयों आई सावण तीज सुहावणी कदम्बा की डाल पे ढोलर घाल्यो , हीदड चाल्यो हरिया बन की कोयल बोले लागे चोखो भलो रे सईयों आई सावण तीज सुहावणी ,...
rajasthani-raj
सुरसती गनपत मनाइब, चरन पखारब हे सुरसती1 गनपत मनाइब , 2 चरन पखारब3 हे । अहे रूकमिनी भइल राजा जोग , 4 केसब5 बर पावल हे ॥ 1 ॥ नेहाइ धोवाइ6 के माँग फारल , 7 अगर चनन सिर धरे । फूल सेज बिछाय आपन कंत सँग बिहरन लगे ॥ 2 ॥ चार पहर रात कामिन8 हरि सँग बिलास करे । चउठे पहर जब बीतल सपन एक देखल हे ॥ 3 ॥ देखि सपना रानी रूकमिनी , अपन ह...
magahi-mag
कही पेठाएम ससुर जी से, कही पेठाएम1 ससुर जी से , झट दिना2 गवना करावऽ अगहन में । डेरा पड़ल हइ3 राजा बघिअन में ॥ 1 ॥ कही पेठाएम बारी दुलहिन जी से , थोड़ा दिन गम खालऽ नइहर में । डेड़ा पड़ल राजा के बघिअन में , झूलन पड़ल राजा के बघिअन में ॥ 2 ॥ कही पठाएम भइँसुर4 जी से , झट दिना गवना करावऽ अगहन में । डेरा पड़ल राजा के बघिअन म...
magahi-mag
फुगडी 2 फुगडी खेळतां खेळतां जमीन झाली काळी माझ्याशी फुगडी खेळते लेकुरवाळी २ . लाही बाई लाही साळीची लाही मुक्यानं फुगडी खेळणं शोभत नाही ३ . गणपतीच्या मागे उंदराची पिल्लं सगुणा म्हणते तींच माझी मुलं ४ . पैंजण बाई पैंजण छुमछुम पैंजण माझ्याशी फुगडी खेळते बुटबैंगण ५ . खार बाई खार लोणच्याचा खार माझ्याशी फुगडी खेळते नाजुक नार...
marathi-mar
घड़िआली देहो निकाल घड़िआली1 देहो निकाल नी , अज पी घर आया लाल । मैंनूँ आपणी खबर ना काई , क्या जाणा मैं कित्थे गंवाई , एह गल्ल कीकूँ छुपे छुपाई । हुण होया फज़ल कमाल । घड़िआली देहो निकाल । घड़ी घड़ी घड़ेआल वजावे , रैण वसल दी क्यों घटावे , मेरे मन दी बात जो पावे । हत्थों चा सुट्टे घड़ेआल । घड़िआली देहो निकाल । अनहद बाजा बज...
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बोल सुण्या जब साधू का बोल सुण्या जब साधू का , खाटका लग्या गात के म्हाँ । पाटमदे झट चाल पङी , उनै भोजन लिया हाथ के म्हाँ ॥ उठ्ण लागी ल्हौर बदन मैं , जब नैनो से नैन लङी । मेरे पिया बिन सोचे समझे , या गलती करदी बोहोत बङी ॥ हिया उझळ कै आवण लाग्या , आंख्यां तै गई लाग झङी । हाथ जोङ कै पाटमदे झट , शीश झुका कै हुई खङी ॥ कह " ल...
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कन्यादान गीत पोसे पोसे रूप्या देधा , हार कड़ा पातला देसे वो लाड़ि । पोसे पोसे रूप्या देधा , गंुडि वटली फवरी देसे वो लाड़ि । पोसे पोसे रूप्या देधा , पलंग सिरको फवरा देसे वो लाड़ि । पोसे पोसे रूप्या देधा , कड़ा पातला देसे वो लाड़ि । वर पक्ष की महिलाएँ शंका कर रही हैं कि हमने पोष भरभरकर तेरे मातापिता को रुपये दिये हैं , ह...
bhili-bhb
488 भाबी अज जोबन तेरे लहर दितो जिवें नदी दा नीर उछलया ए कुफल1 जंदरा तोड़ के चोर वड़या अज बीड़ा कसतूरी दा हलया ए सुहा घगरा लहरां दे नाल उडे वेग बद दोचंद हो चलया ए सुरखी होंठां दी किसे ने चूप लई अंब सगना मोड़ के घलया ए कस्तूरी दे मिरग जिस ढाह लए कोई नवां हीरा आन मलया ए वारस शाह तैनूं पिछों आन मिलीया इक नवां ही कोई सहड़या...
panjabi-pan
पनघट पे न छेड़ो श्याम छैला पनघट पे न छेड़ो श्याम छैला नैना भरों के भरों घैला । पनघट पे . . . भर के गगरिया हमें घर जानें मोहन न रोको हमारी गैला । पनघट पे . . . काम तुम्हारो है माखन चुरावो , तुम हो जनम के चुटकैला । पनघट पे . . . एही पनघट पे हो गई दिवानी , लागी नजर कौन जाऊँ गैला । पनघट पे . . . पिया सखी भई रूप दिवानी नाजा...
bundeli-bns
बनवारी हो लाल कोन्या थारै सारै बनवारी हो लाल कोन्या थारै सारै , गिरधारी हो लाल कोन्या थारै सारै ऐ महल मालिया थारै । थारी बरोबरी म्हें करांस , कोई टूटी टपरी म्हारै गिरधारी हो लाल कोन्या थारै सारै ऐ कामधेनवा थारै । थारी बरोबरी म्हें करांस , कोई भैंस पाडड़ी म्हारै गिरधारी हो लाल कोन्या थारै सारै ऐ हाथी घोड़ा थारै । थारी ब...
haryanvi-bgc
आसौ दे गऔ साल करौंटा आसौ दे गऔ साल करौंटा , करौ खाव सब खौंटा । गोंऊ पिसी खाँ गिरूआ लग गव महुअन लग गओ लौंका । ककना दौरीं सबधर खाये रै गव फकत अनोंटा । कात ईसुरी बाँधें रइयो जबर गाँठ कौ घोंटा ।
bundeli-bns
म्हें तो सगलाई देवता भेट्यां रे भंवरा म्हें तो सगलाई देवता भेट्यां रे भंवरा म्हारे मायाजी रे तोले कोई नहीं भंवरा म्हे तो सगलाई कुलदेव भेंट्या रे भंवरा म्हारे भोपाजी रै तैल सिंदूर चढ़े रे भंवरा म्हें तो सगलाई देवां ने भेंट्या रे भंवरा म्हारे मायाजी रे तोले कोई नहीं रे भंवरा
rajasthani-raj
कहवाँ के कोहबर लाल से गुलाब हे कहवाँ के कोहबर लाल से गुलाब हे । कहवाँ के कोहबर पान से छवावल हे ॥ 1 ॥ अँगना के कोहबर लाल हे गुलाब हे । भीतर के कोहबर पान से छवावल हे ॥ 2 ॥ सेहु पइसी1 सुतलन दुलरइते बाबू राजा हे । जबरे भइ सुतलन पंडितवा केरा धिया हे ॥ 3 ॥ ओते2 सुतूँ , ओते सुतूँ , ससुर जी के बेटवा हे । नइहर के चुनरी मइल3 जनु...
magahi-mag
263 देवां सिखिया1 रब्ब दी याद दसी गुरु जोग दे भेत नूं पाईए जी नहा धो के चा भबूत मलीए अते किस वत अंग वटाईए जी सिंगी फौड़ही खपरी हथ लै के पहले रब्ब दा नाम धयाईए जी नगर अलख वजाइके जा वड़ीए पाप जान जे नाद बजाईए जी सुखी दवार वसे जोगी भीख मांगे देई दुआ असीस सुनाईए जी इस भांत दे नगर दी भीख लै के मसत लटकदे दुआर को आईए जी वडी म...
panjabi-pan
रथ ठाड़े करो रघुबीर रथ ठांड़े करो रघुबीर , तुम्हारे संग मैं चलूं वनवास खों । अरे हां जी तुम्हारे , काहे के रथला बने , है अरे काहे के डरे हैं बुनाव तुम्हारे संग . . . अरे हां हो हमारे , चन्दन के रथला बने , और रेशम डरे हैं बुनाव , तुम्हारे संग . . . अरे हां जी तुम्हारे , रथ में को जो बैठियो , और हां जी रानी सीता , रथ में...
bundeli-bns
मड़वा डगमग खरही बिनु मड़वा डगमग1 खरही2 बिनु , कलसा पुरहर बिनु हे । मन मोरे डगमग नइहर बिनु , अप्पन सहोदर बिनु हे ॥ 1 ॥ मड़वहिं बइठल गोतिया लोग , भनसा3 गोतिनिया लोग हे । तइयो नहीं मन मोरा हुलसल4 अप्पन नइहर बिनु हे ॥ 2 ॥ इयरी पियरी कइसे पेन्हब , अप्पन नइहर बिनु हे । चउका चनन कइसे बइठब , अप्पन जयल5 बिनु हे । अरप दरप6 कइसे ...
magahi-mag
जिद्दिन लाडो तेरा जन्म हुआ है जिद्दिन लाडो तेरा जन्म हुआ है जन्म हुआ है हुई है बजर की रात पहरे वाले लाडो सो गए लग गए चन्दन किवाड़ गुड़ की पात तेरी अम्मां वह पीवै टका भी खरचा न जाय सौ सठ दिवले बिटिया बाल धरे हैं तो भी गहन अंधेर जिस दिन लल्ला तेरा जन्म हुआ है हुई है स्वर्ग की रात सूतों के पलंग लल्ला अम्मां बी पौढे सुरभि ...
haryanvi-bgc
380 मैं अकलड़ा गल ना जाणदा हां तुसीं दोवें ननाण भरजाइयां नी मालजादियां वांग बना तेरी पा बैठीए सुरम सलाइयां नी पैर पकड़ फकीर दे देह भिछया अड़ियां कुआरीए केहीयां लाइयां नी धयान रब्ब ते रख ना हो तती गुसे होण ना भलयां दीयां जाइयां नी तैनूं शौक है तिन्हां दा भाग भरीए जिन्हां डाचियां मार चराइयां नी जिस रब्ब दे असीं फकीर होए ...
panjabi-pan
395 जिनां नाल फकीर दे अड़ी बधी हथ धो जहान थी चलियां ने आ टलीं कुआरिये डारिये नी केहियां चाइयां धजां अवलियां ने होवे शर्म हया उनां कुआरियां नूं जेड़ियां नेक सोहबत विच रलियां ने कारे हथियां कुआरियां वेहु भरियां भला क्यों कर रहन नचलियां ने मुनस मंगदियां जोगिया नाल लड़के राती औखियां होण अकलियां ने पिछे चरखड़ा रूल है सड़न ज...
panjabi-pan
मचिया बैसल हे कोसिका मचिया बैसल हे कोसिका , भितिया अंगुठल दीनानाथ के वटिया हेरै छै । कहँमा से भागवै हे कोसी चानन के लकड़िया कहाँ से मंगेवै सूतिहार । मोरंग से मंगेवै हे कोसिका चानन लकड़िया तिरहुत से मंगेवै सूतिहार । कथी से छेवैवे हे कोसिका चानन के लकड़िया कथी से छेवैवे हे कोसिका पैर के खड़म । आरी से छेवैवे हे कोसिका चान...
angika-anp
अँगना में रिमझिम कोहबर दीप बरे हे अँगना में रिमझिम कोहबर दीप बरे1 हे । अरे ताहि कोहबर सुतलन कवन दुलहा , बेनिया डोलाइ माँगे हे ॥ 1 ॥ बेनिया डोलइते हे आवल2 सुखनीनियाँ । रसे रसे3 बीत गेलइ सउँसे4 रँगे रतिया ॥ 2 ॥
magahi-mag
पाँच पतासे पान्या का बिड़ला पांच पतासे पान्या का बिड़ला लै सैयद पै जाइओ जी जिस डाली म्हारा सैयद बैठ्या वा डाली झुक जाइयो जी पांच पतासे पान्या का बिड़ला लै माता पै जाइयो जी जिस डाली म्हारी माता बैठी वा डाली झुक जाइयो जी पांच पतासे पान्या का बिड़ला लै देवी पै जाइओ जी जिस डाली म्हारी देवी बैठी वा डाली झुक जाइयो जी
haryanvi-bgc
हरता तो फरता मारूजी हो पूछे हरता तो फरता मारूजी हो पूछे मटकी ना मोती क्याँ मेलिया एकज मोती राजा दई ने दीदो हरता तो फरता मारूजी हो पूछे मटकी ना मोती क्यां मेल्या एकज मोती राजा सासू ने दीदो कुंवर पटोला झेलिया हरता . . . एकज मोती राजा जेठाणी ने दीदो दस दन खूणे खाट ढलाविया हरता तो . . . एकज मोती राजा जेठाणी ने दीदो दस दन द...
malvi-mup
काला बहल जुड़ाइयां मैं काला बहल जुड़ाइयां मैं थलस तलै नै आइयां क्यों कर जीऊं काले कै ब्याह दइयां काला घर मैं बड़ियां ये कड़ी करंजै पड़ियां क्यों कर जीऊं काले कै ब्याह दइयां भूरा बहल जुड़ाइयां मैं झट दै बेहल मैं आइयां क्यों कर जीऊं काले कै ब्याह दइयां भूरा घर मैं बड़ियां सत्तर दीवे बलियां काले के दो जाये जणों भूंड गिरड़...
haryanvi-bgc
राजा ऊँचा है चंवरो चब खंडियो राजा ऊँचा है चंवरो चब खंडियो जे पर ढ़ाली नवरंगी खाट हर बोलो दीवानजी रा कूंकड़ा जे पर पोढ़िया फलाणाजी हो राम बऊँ लाड़ी थारो नाम जगावजे हो जागोजागो केसरिया नाम हरि बोलो दीवानजी रा कूंकड़ा राजा जागी ने पाग सँवारिया उनकी पागां पर मोतिया रा लूम हीरा केरा लूम राजा ऊँचा हो चंवरो चवखंडियो जे पर ढाल...
malvi-mup
अचक आय अँगुरी पकरी जाने कैसी करी अचक आय अँगुरी पकरी ॥ टेक अँगुरी पकर मेरी पहुँचौ पकर्यौ , अब कित जाऊँ गिरारौ सकरौ । मिलवे की लागी धक री ॥ जानै . जो सुनि पावेगी सास हमारी , नित उठि रार मचावेगी भारी । मोतिन सौं भरी माँग बिगरी ॥ जानै . श्री मुख चन्द्र कमरिया बारौ , सालिगराम प्रानन कौ प्यारौ । अन्तर कौ कारौ कपटी ॥ जानै .
braj-bra
अंगना में कुइयाँ खोनाइले, पीयर माटी नू ए अंगना में कुइयाँ खोनाइले , पीयर माटी नू ए , ए ललना जाहिरे जगवहु कवन देवा , नाती जनम लिहले हो । नाती जनमले त भल भइले , अब वंस बाढ़हू ए । ए ललना देह घालऽ सोने के हँसुअवा , बाबू के नार काटहु ए । ए ललना देइ घालऽ सोने के खपड़वा , बाबू के नहवाईवि ए । ए ललना जाहि रे जगवहु कवन देवा , ना...
bhojpuri-bho
40 तुसीं विच खुदा दे खानयां दे गोज1 वायगी दस क्यों मारदे हो झूठ गैबता2 अते हराम करना मुशतजनी दे गैब क्यों सारदे हो बास हलवियां दी खबर मुरदियां दी नाल दुआए दे जीऊंदे मारदे हो अन्ने कोड़यां लूलयां वांग बैठे कुररा मरन जहान दा मारदे हो शरह चाए सरपोश बनाया जे रवादार वडे गुनहगार दे हो वारस शाह मुसाफरां आयां नूं चलो चल ही पये...
panjabi-pan
दृगन मन बस गये री मोरे गुइया दृगन मन बस गये , री मोरे गुइयां कै मोरी गुइयां , दशरथ राज दुलारे गैल इत कड़ गये , री मोरी गुइयां । दृगन मन . . . कै मोरी गुइयां , हांथ सुमन के दौना , लतन बिच छिप रहे , री मोरी गुइयां । । दृगन मन . . . कै मोरी गुइयां तक तिरछी सैनन विहंस कछु कह गये , री मोरी गुइयां । । कै मोरी गुइयां कंचन प्र...
bundeli-bns
सरवन पँवारा कात–बास दोइ अँधा बसइँ अमर लोक नाराँइन बसे अँधी कहति अँधते बात हम तुम चलें राम के पास कहा राम हरि तेरो लियो एकुँ न बालक हमकू दियो बालकु देउ भलो सो जाँनि मात–पितन की राखै काँनि । एक माँस के अच्छर तीनि दुसरे माँस लइउड़े सरीर तिसरे माँस के सरबन पूत्र डेहरी लाँघइ फरकइ दुआरु देखउ बालकु जूकिन कार जू बालकु अन्धी को...
kanauji-bjj
कड़तन लागौ मूड़ दिरौंदा कड़तन लागौ मूड़ दिरौंदा , कड़ीं न सिर खों ओंदा । कारीगर ने बुरऔ बनाऔं । धरौ न ऊँचों गोंदा । लच गई , लफ गई , दूनर हो गई , नेंनूँ कैंसो लोंदा ईसुर उनें उठा नई पाए , हतो उतै सकरोंदा ।
bundeli-bns
अमवा के डाढ़ चौका अमवा के डाढ़1 चढ़ि बोलेले कोइलिया । लगन2 लगन डिँड़ियाय3 हे ॥ 1 ॥ एहो नगरिया माइ हे , कोई नहीं जागथिने4 । लगन न माँगथिन5 लिखाइ जी ॥ 2 ॥ एहो नगरिया माइ हे , जागथिन कवन बाबू , हमें लेबइ लगन लिखाइ हे ॥ 3 ॥ घर से बाहर भेलन6 दुलरइता दुलहा , आजु बाबू लगन लिखाहु जी ॥ 4 ॥ अइसन लगन लिखिह जी बाबू , ओहे लगन होइतो...
magahi-mag
विदाई गीत सासु बोलाड़े बनी जरा बोलजे । बनी बोल बिराणो लागे । माई बोलाड़े वेगि बोल नानी बनड़ी । बोल पियारो लागे । सेसरो बोलाड़े धीरेबोल नानी बनड़ी । बोल बिराणो लागे । मायके से लड़की को शिक्षा दी गई है कि मायके वाले आवाज दें तो जल्दी और जोर से बोलना । ससुराल वाले आवाज दें तो धीरे से और शांतस्वभाव से बोलना । मायके वालों क...
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नीला पंखो जोरान्यकू डो नीला पंखो जोरान्यकू डो नीला पंखो जोरान्यकू डो चोजा जूरेना आजेवा बेटी डो चूजा जूरेना चोजा जूरेना आजेवा बेटी डो चूजा जूरेना ऊरागा भरटी काका कू डो ऊरागा भरटी काका कू डो चोजा जूरेना आजेवा बेटी डो चूजा जूरेना चोजा जूरेना आजेवा बेटी डो चूजा जूरेना चिचारिस भरटी काकी के डो चिचारिस भरटी काकी के डो चोजा जू...
korku-kfq
दीपक दया धरम को जारौ दीपक दया धरम को जारौ , सदा रात उजयारौ । धरम करे बिन करम खुलैना , ज्यौं कुन्जी बिन तारौं , समझा चुके करै न रइयो । दिया तरै अंदयारौ । कात ईसुरी सुनलो भईया लगजै यार न वारौ ।
bundeli-bns
तमतै चाले नौकरी म्हारा कौन हवाल तमतै चाले नौकरी म्हारा कौन हवाल यो बिडला मेरे मन बसिया बिडला बिडला के करै री गोरी बिडले ल्यावां दो चार यो बिडला मेरे मन बसिया कोठी चावल रै गोरी घी घणा गोरी म्हारी बैठी मौज उडाय यो बिडला मेरे मन बसिया चरखा ल्यांदा रै गोरी रांगला पीड़ा लाल गुलाल यो बिडला मेरे मन बसिया तकवा ल्यांदा रै गोरी ...
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नागर नंदजी ना लाल नागर नंदजी ना लाल नागर नंदजी ना लाल रास रमंता म्हारी नथनी खोवाई कान्हा जड़ी होए तो आल , कान्हा जड़ी होए तो आल रस रमंता म्हारी नथनी खोवाई . . . वृन्दावन नी कुञ्ज गलीं मां बोले झिना मोर राधाजी नी नथनी नो शामलियो छे चोर . . . . नागर नंदजी ना लाल नागर नंदजी ना लाल रास रमंता म्हारी नथनी खोवाई . . . . .
gujarati-guj
मेरी मटुकी फोरी री जसोदा तेरे लाला ने मेरी मटुकी फोरी री ॥ टेक हम दधि बेचन जात वृन्दावन मिलि ब्रज गोरी री । गैल रोकि के ठाड़ौ पायौ , कीनी झकझोरी री ॥ दही सब खाय मटुकिया फोरी बाँह मरोरी री । लै नन्दरानी हमने तिहारी नगरी छोड़ी री ॥ चोरी तो सब जगह होय तेरे ब्रज में जोरी री । नाम बिगारौ तिहारौ याने बेशरमाई ओढ़ी री । सारी झ...
braj-bra
निमंत्रण भावनाओं के रिश्ते में रचा आमंत्रण , जो देवता , प्रकृति के समस्त उपादान , स्वजनों के साथ साथ सभी वर्ग एवं वर्ण के उन सभी लोगों को आमंत्रित करता है जो किसी न किसी नाते सहयोगी बनकर जीवन में आते हैं . प्रात जो न्युतुं में सुरीज , सांझ जो न्युतुं में चन्द्रमा तारण को अधिकार ज्युनिन को अधिकार किरनन को अधिकार , समायो...
kumaoni-kfy
साथिण का जंचा दिया ठीक मावस कै अड़कै साथिण का जंचा दिया ठीक मावस कै अड़कै मैं मंरू अक जीऊं मेरी माय साथिण मेरी जायगी तड़कै साथिण का कर्या कसार कढ़ाई भर भर कै मैं मरूं अक जीऊं मेरी माय साथिण मेरी जायगी तड़कै साथिण की दिखादी तील पिलंग पै धर के मैं मरूं अक जीऊं मेरी माय साथिण मेरी जायगी तड़कै साथिन ने आई घाल पहर कै तड़कै ...
haryanvi-bgc
तोरे सोहे पाव पैजनिया माई के बलमा तोरे सोहे पांव पैजनिया , माई के बलमा । माथे मुकुट माल रतनन की ओढ़ें लाल उढ़निया , माई के बलमा । तोरे . . . हाथन में हंथचूरा सोहे , अंगुरिन बीच मुदरिया , माई के बलमा । तोरे . . . बाजूबन्द भुजन पे सोहे , कमर में करधनिया , माई के बलमा । तोरे . . . एक हाथ में खड़ग लिये हैं । दूजे तीर कमनिय...
bundeli-bns
तू पाणी पाणी कर रह्या बटेऊ तू पाणी पाणी कर रह्या बटेऊ राजा का सै डोल राजा से डोल मांग ले बटेऊ पीले जल नीर बटेऊ बटेऊ मत करै मैं तो लागूं तेरा बीर तेरे राजी भाई भतीजे मरगी तेरी मांय कहो तो बाणा बदलूं हो बीरा हो लूं तेेरी गैल क्यांह नैं बाणा बदले हे बेबे होले मेरी गैल नदियां तै पार उतर गई बीरा दीख्या नां गांव बीरा बीरा मत...
haryanvi-bgc
जब साजन ही परदेस गये मस्ताना फागण क्यूँ आया जब साजन ही परदेस गये मस्ताना फागण क्यूँ आया जब सारा फागण बीत गया तैं घर में साजन क्यूँ आया छम छम नाचैं सब नर नारी मैं बैठी दुखां की मारी मेरे मन में जब अंधेरा मचा तैं चान्द का चांदण क्यूँ आया इब पीया आया जी खित्याना जब जी आया पी मित्याना साजन बिन जोबन क्यूँ आया जोबन बिन साजन ...
haryanvi-bgc
रुपया खरच कू रख लीजो बारे लाँगुरिया रुपया खरच कू रख लीजो , मैंने बोली है करौली की जात ॥ लँगुरिया . बारे लाँगुरिया चम्पा की मैयाहू जावैगी , और सुन्दर की कर गई बात ॥ लँगुरिया . बारे लाँगुरिया साड़ी तौ लादै नायलौन की जामें चमकैं जोबन गात ॥ लँगुरिया . बारे लाँगुरिया गोटा किनारी वापै लगवाऊँ , चाहे उठ जाँय पाँच के सात ॥ लँगु...
braj-bra
ईसुरी की फाग-5 दिल की राम हमारी जानें मित्र झूठ न मानें हम तुम लाल बतात जात ते , आज रात बर्रानें सा परतीत आज भई बातें , सपनेन काए दिखानें ? ना हो , हो , देख लेत हैं , फूले नईं समानें भौत दिनन से मोरो ईसुर तुमें लगौ दिल चानें भावार्थ हमारे मन की बात तो राम ही जानते हैं । मित्र , हमारी बात को झूठ न समझें । आज रात को ही ह...
bundeli-bns
जेठ बइसखवा के पुरइन लहर-लहर करे जेठ बइसखवा के पुरइन लहरलहर करे , ताहि कोखी धिअवा जनमली त पुरुख बेपछ परले ए । बेपछविपक्ष मइले ओढ़न , मइले डासन , कोदो चउरा पंथ भइले , रेंडवा के जरेला पसंगिया , निनरियो नाहि आवेले ए । लाले ओढ़न , लाल डासन , बसमती चउरा पंथ भइले , चनन के जरेला पसंगिया , निनरिया बलु आवेले ए । सासु के देबऽ रेड...
bhojpuri-bho
तोपेड़ तेन आठी थालो तोपेड़ तेन आठी थालो तोपेड़ तेन आठी थालो कोम तेन आठी डो बेईनी पारोमे कोम तेन आठी डो बेईनी पारोमे चुरु तेन डा डो चुरु तेन डा डो बानी तेन जोम दो बेईनी ईदी ये बानी तेन जोम दो बेईनी ईदी ये स्रोत व्यक्ति ज्योति , ग्राम माथनी
korku-kfq
ईसुरी की फाग-1 तुम खों छोड़न नहि विचारें भरवौ लों अख्तयारें जब ना हती , कछू कर घर की , रए गरे में डारें अब को छोड़ें देत , प्रान में प्यारी भई हमारें लगियो न भरमाए काऊ के , रैयो सुरत सम्भारें ईसुर चाएँ तुमारे पीछें , घलें सीस तलवारें
bundeli-bns
सलौ सलौ1 डारि2 ऐ गैना , डालि बोटो खै गैना । फसल पात खै गना , बाजरो खाणो कै गैना । सलौ डारि डाँड्यूं मा बैठी गैन खाड्यूं मा । हात झींकड़ा लीन , सलौ हांकि दीन । काकी पकाली पलेऊ , काला हकाल मलेऊ । भैजी हकालू टोपीन , बौ हटाली धोतीन । उड़द गथ खै गैना , छड़ी सारी कै गैना । भैर देखा बिजोपट , फसल देखा सफाचट । पड़ीं च बाल बच्चो...
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