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इस पाठ का सारांश बनाओ: साल 2018 के कर्नाटक विधानसभा चुनाव के दौरान एचडी कुमारस्वामी ने कहा था, ‘मैं किंग बनूंगा, किंगमेकर नहीं.' उनकी यह बात सच साबित हो गई और उनकी पार्टी जनता दल (एस) के चुनाव में तीसरे नंबर पर रहने के बावजूद वह 23 मई 2018 को इच्छित पद हासिल करने में कामयाब हो गए. लेकिन उनकी पिछली पारी की तरह ही मुख्यमंत्री के रूप में उनका कार्यकाल अल्पकालिक रहा और 13 महीने पुरानी डांवाडोल गठबंधन सरकार आखिर गिर गई. कुमारस्वामी (HD Kumaraswamy)मंगलवार को विश्वासमत हासिल करने में विफल रहे. उनकी गठबंधन सरकार का भविष्य तभी साफ दिखने लगा था, जब कांग्रेस के 13 और जनता दल (एस) के तीन विधायकों को मिलाकर कुल 16 विधायकों ने इस्तीफा दे दिया और दो निर्दलीय विधायकों-आर शंकर तथा एच नागेश ने समर्थन वापस ले लिया.
कांग्रेस के एक विधायक रामलिंगा रेड्डी बाद में इस्तीफे के अपने फैसले से पीछे हट गए और कहा कि वह सरकार का समर्थन करेंगे, लेकिन सब बेकार रहा. मुख्यमंत्री के रूप में कुमारस्वामी का दूसरा कार्यकाल कठिनाइयों भरा रहा. गठबंधन में बार-बार उठने वाले असंतोष के चलते सरकार पर लगातार खतरा मंडराता रहा. कांग्रेस-जनता दल (एस) गठबंधन में पैदा हुईं विपरीत परिस्थितियों को लेकर कुमारस्वामी ने यह तक कहा था कि वह शीर्ष पद पर रहकर खुश नहीं हैं और ‘विषकंठ' (भगवान शिव) की तरह परेशानी को झेल रहे हैं. जिस भाजपा की वजह से कुमारस्वामी को मुख्यमंत्री पद की कुर्सी गंवानी पड़ी, कभी उसी भाजपा की वजह से वह पहली बार कर्नाटक के मुख्यमंत्री बने थे.
कुमारस्वामी (HD Kumaraswamy) राजनीतिक माहौल में पले-बढ़े. उन्होंने 1996 में कनकपुरा लोकसभा सीट पर जीत दर्ज कर राजनीति में प्रवेश किया था. बाद में वह लोकसभा और विधानसभा चुनाव दोनों हार गए. साल 2004 में वह पहली बार विधानसभा में पहुंचे. तब त्रिशंकु विधानसभा होने के बाद कांग्रेस के साथ जनता दल (एस) गठबंधन सरकार में शामिल हो गया था. साल 2006 में कुमारस्वामी ने बगावत कर दी और अपने पिता एवं पूर्व प्रधानमंत्री एच डी देवगौड़ा की इच्छा के विपरीत 42 विधायकों के साथ गठबंधन से बाहर हो गए. उन्होंने भाजपा के साथ मिलकर सरकार बनाई और विधायक के रूप में अपने पहले कार्यकाल के दौरान ही वह मुख्यमंत्री बन गए.
बारी-बारी से मुख्यमंत्री पद की व्यवस्था के तहत वह 20 महीने तक मुख्यमंत्री रहे. लेकिन जब मुख्यमंत्री पद के लिए भाजपा की बारी आई तो कुमारस्वामी पीछे हट गए और बी एस येदियुरप्पा सरकार को सात दिन के भीतर ही गिरा दिया. कुमारस्वामी ने साबित किया कि राजनीति संभव कर दिखाने की कला है, लेकिन विज्ञान स्नातक अपनी सरकार की दीर्घकालिकता सुनिश्चित करने के लिए गठबंधन विधायकों को एकजुट रखने की ‘केमिस्ट्री' में विफल रहे. | यह एक सारांश है: 13 महीने ही चली कुमारस्वामी की सरकार
कांग्रेस और जेडीएस विधायकों ने ही की बगावत
चार दिन से जारी थी विश्वास मत पर चर्चा | 24 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: पिछले साल दिल्ली के एक नामी स्कूल में 6 साल के बच्चे का शव वाटर टैंक में संदिग्ध हालत में मिला था. राहुल (बदला हुआ नाम) नामक यह बच्चा रयान इंटरनेशनल स्कूल में पहली कक्षा का छात्र था. शनिवार को वह पोएम कॉम्पटिशन में भाग लेने स्कूल आया था. हैरानी की बात ये रही कि शव शनिवार दोपहर करीब सवा 12 बजे बरामद हुआ, जबकि पुलिस को इसकी जानकारी करीब 2 घंटे बाद दी गई. स्कूल पहुंचकर पुलिस ने जांच शुरू की तो पता चला कि राहुल सांतवें पीरियड से क्लास से गायब हो गया था. स्कूल के पिछले हिस्से में एक वाटर पंप के टैंक में उसका शव मिला. जांच रिपोर्ट में स्कूल को लापरवाह और सबसे बड़ा जिम्मेदार बताया गया था. मामले में प्रिंसिपल से लेकर स्कूल मैनेजमेंट तक पर कार्रवाई की सिफारिश की गई थी. रिपोर्ट में कहा गया था कि स्कूल अपनी जिम्मेदारी निभाने में पूरी तरह से फेल रहा था. छुट्टी के दिन बच्चे को बुलाया था इसलिए एक्स्ट्रा ध्यान रखने की जरूरत थी जो नहीं हुआ.
स्कूल के पिछले हिस्से में एक वाटर पंप के टैंक में उसका शव मिला. जांच रिपोर्ट में स्कूल को लापरवाह और सबसे बड़ा जिम्मेदार बताया गया था. मामले में प्रिंसिपल से लेकर स्कूल मैनेजमेंट तक पर कार्रवाई की सिफारिश की गई थी. रिपोर्ट में कहा गया था कि स्कूल अपनी जिम्मेदारी निभाने में पूरी तरह से फेल रहा था. छुट्टी के दिन बच्चे को बुलाया था इसलिए एक्स्ट्रा ध्यान रखने की जरूरत थी जो नहीं हुआ. | संक्षिप्त पाठ: बच्चे का शव स्कूल के वॉशरूम में मिला
बच्चे के शरीर में चाकू से हमले के थे कई निशान
पुलिस ने बस के कंडक्टर को किया गिरफ्तार | 22 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: बिहार में एनडीए (Bihar NDA) के सहयोगियों के बीच सीटों का बंटवारा हो गया है. कौन सी पार्टी किसी सीट पर लड़ेगी, इसपर सहमति बन गई है. हालांकि इसकी विधिवत घोषणा अभी नहीं हुई है, लेकिन बीजेपी सूत्रों की मानें तो जो सूची मीडिया में आई है, फिलहाल उसका किसी ने खंडन नहीं किया है. भाजपा नेता मानते हैं कि इस बात में कोई हिचक नहीं होनी चाहिए कि सूची को फाइनल करने में इस बार नीतीश कुमार के मान-सम्मान का पूरा ख्याल रखा गया. यही वजह है कि बीजेपी ने भागलपुर और गया जैसी अपनी परंपरागत सीटों को जदयू को देने में हिचक नहीं की.
इसके अलावा वाल्मीकि नगर, सीतामढ़ी, गोपालगंज, सुपौल, झंझारपुर, जहानाबाद, करकात या मधेपुरा जैसी सीट, जो नीतीश कुमार की परंपरागत सीटें रही हैं, उसपर कोई माथापच्ची नहीं की गई. दूसरी तरफ, रामविलास पासवान लंबे समय से मुंगेर की सीट मांग रहे थे. यहां से नीतीश के करीबी जल संसाधन मंत्री ललन सिंह मैदान में होंगे. भाजपा के लिए सबसे सम्माजनक बात ये रही कि गिरिराज सिंह को छोड़कर उसके सभी मंत्री अपनी पुरानी सीट से ही चुनाव लड़ेंगे. गिरिराज सिंह को अब नवादा के बदले बेगूसराय से चुनाव लड़ना होगा. वहीं, लोक जनशक्ति पार्टी इस बात से खुश है कि उसे सीटों के बंटवारे में सिर्फ मुंगेर के बदले नवादा के अलावा ज़्यादा नुक़सान नहीं उठाना पड़ा है. | सारांश: बिहार एनडीए में सीटों का बंटवारा तय
सीट बंटवारे में नीतीश कुमार का खास ख्याल रखा गया
बीजेपी ने अपनी परंपरागत सीटें भी छोड़ीं | 31 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: पृथक तेलंगाना की मांग को लेकर दबाव बनाने के उद्देश्य से संयुक्त तेलंगाना कार्रवाई समिति (जेएसी) द्वारा आयोजित 48 घंटे के बंद के दूसरे दिन बुधवार भी आंध्र प्रदेश के तेलंगाना क्षेत्र में जन जीवन ठप रहा। हैदराबाद और तेलंगाना क्षेत्र के नौ जिलों में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था ठप है और आंध्र प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की करीब 10 हजार बसें सड़कों से नदारत हैं। लगातार दूसरे दिन दुकानें, बैंक, होटल, पेट्रोल पम्प और शैक्षणिक संस्थान बंद हैं। हैदराबाद के रेलवे स्टेशनों पर आने वाले बाहरी यात्रियों को सबसे ज्यादा परेशानी हो रही है। शहर की बस सेवा बंद होने के कारण स्टेशन पर मौजूद ऑटो रिक्शा और टैक्सी चालक यात्रियों से भारी किराया वसूल रहे हैं। परिवहन निगम के कर्मचारियों के भी हड़ताल में शामिल होने के कारण कोई भी बस सड़क पर नहीं उतर सकी। बंद के कारण परिवहन निगम ने हैदराबाद और सभी अन्य शहरों को जोड़ने वाली बस सेवाओं को स्थगित कर दिया है। बंद के पहले दिन यानी मंगलवार को करीब नौ करोड़ रुपये का नुकसान झेलने वाले निगम की योजना बुधवार शाम को सेवा शुरू करने की है। उधर, बंद के कारण सिंगारेनी कैलोरीज कम्पनी लिमिटेड में कोयले का उत्पादन भी प्रभावित हुआ है। कम्पनी के करीब एक लाख कर्मचारियों में अधिकत्तर तेलंगाना क्षेत्र के हैं और उन्होंने काम करने से इंकार कर दिया है। कम्पनी को बंद के दूसरे दिन करीब 20 करोड़ रुपये के नुकसान की आशंका है। बंद के कारण सरकारी कार्यालयों में भी कामकाज प्रभावित हुआ है। क्षेत्र के करीब तीन लाख कर्मचारियों ने काम का बहिष्कार किया है। हैदराबाद में सूचना प्रौद्योगिकी कम्पनियों का काम-काज हालांकि अप्रभावित रहा है। कम्पनियों ने अपने कर्मचारियों को कार्यालय तक लाने के लिए विशेष व्यवस्था कर रखा है। | सारांश: बंद के कारण परिवहन निगम ने हैदराबाद और सभी अन्य शहरों को जोड़ने वाली बस सेवाओं को स्थगित कर दिया है। | 33 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: क्रिकेटर से नेता बने पूर्वी दिल्ली से बीजेपी के प्रत्याशी गौतम गंभीर ने दो वोटर आईडी रखने के आरोपों पर पलटवार किया है. उन्होंने अपने खिलाफ खड़ी आम आदमी पार्टी की प्रत्याशी आतिशी पर निशाना साधते हुए कहा है, जब आपके पास विजन नहीं होता है और पिछले साढ़े चार सालों में किया कोई भी काम दिखाने के लिए नहीं होता है तो ऐसे ही आरोप लगाते हैं'. गंभीर ने कहा कि दो वोटर आईडी रखने के आरोपों पर चुनाव आयोग फैसला करेगा. उन्होंने आगे कहा कि जब विजन होता है तो निगेटिव राजनीति नहीं करते. आपको बता दें कि पूर्वी दिल्ली से गौतम गंभीर के सामने खड़ी आम आदमी पार्टी की प्रत्याशी आतिशी की ओर से कोर्ट में शिकायत की गई है कि गौतम गंभीर के पास दो वोटर आईडी हैं. आतिशी ने मांग की है कि इस आधार पर गौतम गंभीर का नामांकन रद्द किया जाए. मामले की सुनवाई 1 मई को होनी है.
आतिशी की ओर से लगाए गए आरोपों पर गौतम गंभीर ने पहली बार कुछ बोला है. हालांकि उनकी पार्टी बीजेपी ने आम आदमी पार्टी के नेता अरविंद केजरीवाल पर तीन वोटर आईडी कार्ड रखने का आरोप लगाया है. बीजेपी ने कहा है कि केजरीवाल की पत्नी के पास साल अब भी तीन वोटर आईडी कार्ड हैं. जो दिल्ली,उत्तर प्रदेश और बंगाल के हैं.
वहीं आतिशी की ओर से ट्वीट में आरोप लगाया कि गौतम गंभीर के पास करोलबाग और राजेंदर नगर इलाके के वोटर आईडी कार्ड हैं. आतिशी ने यह कहा कि चुनाव में गलत जानकारी देना आपराधिक मामला है, इस पर एक साल की जेल हो सकती है. आपको बता दें कि पूर्वी दिल्ली सीट में इस बार चुनाव बेहद दिलचस्प हो गया है. कांग्रेस की ओर से अरविंद सिंह लवली को उतारा गया है. यहां मतदान 12 मई को होना है. | सारांश: आतिशी को गंभीर ने दिया जवाब
विवाद पर पहली बार बोले गौतम गंभीर
कहा- आयोग करेगा फैसला | 33 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: बीसीसीआई उपाध्यक्ष अरुण जेटली पर निशाना साधते हुए क्रिकेट से राजनेता बने कीर्ति आजाद ने कहा कि क्रिकेट बोर्ड में शामिल लोग अध्यक्ष एन श्रीनिवासन के खिलाफ कार्रवाई नहीं करना चाहते क्योंकि कोई इस हाई प्रोफाइल खेल संस्था का अगला अध्यक्ष बनना चाहता है।
दिल्ली एवं जिला क्रिकेट संघ (डीडीसीए) में जेटली विरोधी गुट के सदस्य आजाद ने कहा, ‘‘वे (बीसीसीआई) श्रीनिवासन के खिलाफ कार्रवाई नहीं करना चाहते। उन्हें लगता है कि अगर वे उसके खिलाफ कार्रवाई करेंगे तो आम सभा की अगली बैठक में उन्हें उसके समर्थकों से 10 से 15 वोट नहीं मिलेंगे।’’टिप्पणियां
उन्होंने कहा, ‘‘वे गांधीजी के तीन बंदरों की तरह काम करते हैं। वे सभी इसमें शामिल हैं। चोर-चोर मौसेरे भाई। मौजूदा स्थिति यही है।’’ डीडीसीए प्रमुख जेटली बीसीसीआई का अगला अध्यक्ष बनने की दौड़ में शामिल हैं जब अगले साल श्रीनिवासन का कार्यकाल खत्म होगा। रोटेशन नीति के अनुसार अगला अध्यक्ष उत्तर क्षेत्र का प्रतिनिधि होगा।
आजाद ने कहा, ‘‘मैं क्यों कहूं कि श्रीनिवासन को इस्तीफा देना चाहिए या नहीं। पहले मैं यह जानना चाहता हूं कि बीसीसीआई में शामिल वे लोग जो उच्च नैतिकता और सार्वजनिक जीवन में सत्यनिष्ठा की बात करते हैं वे क्या सोचते हैं। वे श्रीनिवासन के बारे में क्या सोचते हैं।’’
दिल्ली एवं जिला क्रिकेट संघ (डीडीसीए) में जेटली विरोधी गुट के सदस्य आजाद ने कहा, ‘‘वे (बीसीसीआई) श्रीनिवासन के खिलाफ कार्रवाई नहीं करना चाहते। उन्हें लगता है कि अगर वे उसके खिलाफ कार्रवाई करेंगे तो आम सभा की अगली बैठक में उन्हें उसके समर्थकों से 10 से 15 वोट नहीं मिलेंगे।’’टिप्पणियां
उन्होंने कहा, ‘‘वे गांधीजी के तीन बंदरों की तरह काम करते हैं। वे सभी इसमें शामिल हैं। चोर-चोर मौसेरे भाई। मौजूदा स्थिति यही है।’’ डीडीसीए प्रमुख जेटली बीसीसीआई का अगला अध्यक्ष बनने की दौड़ में शामिल हैं जब अगले साल श्रीनिवासन का कार्यकाल खत्म होगा। रोटेशन नीति के अनुसार अगला अध्यक्ष उत्तर क्षेत्र का प्रतिनिधि होगा।
आजाद ने कहा, ‘‘मैं क्यों कहूं कि श्रीनिवासन को इस्तीफा देना चाहिए या नहीं। पहले मैं यह जानना चाहता हूं कि बीसीसीआई में शामिल वे लोग जो उच्च नैतिकता और सार्वजनिक जीवन में सत्यनिष्ठा की बात करते हैं वे क्या सोचते हैं। वे श्रीनिवासन के बारे में क्या सोचते हैं।’’
उन्होंने कहा, ‘‘वे गांधीजी के तीन बंदरों की तरह काम करते हैं। वे सभी इसमें शामिल हैं। चोर-चोर मौसेरे भाई। मौजूदा स्थिति यही है।’’ डीडीसीए प्रमुख जेटली बीसीसीआई का अगला अध्यक्ष बनने की दौड़ में शामिल हैं जब अगले साल श्रीनिवासन का कार्यकाल खत्म होगा। रोटेशन नीति के अनुसार अगला अध्यक्ष उत्तर क्षेत्र का प्रतिनिधि होगा।
आजाद ने कहा, ‘‘मैं क्यों कहूं कि श्रीनिवासन को इस्तीफा देना चाहिए या नहीं। पहले मैं यह जानना चाहता हूं कि बीसीसीआई में शामिल वे लोग जो उच्च नैतिकता और सार्वजनिक जीवन में सत्यनिष्ठा की बात करते हैं वे क्या सोचते हैं। वे श्रीनिवासन के बारे में क्या सोचते हैं।’’
आजाद ने कहा, ‘‘मैं क्यों कहूं कि श्रीनिवासन को इस्तीफा देना चाहिए या नहीं। पहले मैं यह जानना चाहता हूं कि बीसीसीआई में शामिल वे लोग जो उच्च नैतिकता और सार्वजनिक जीवन में सत्यनिष्ठा की बात करते हैं वे क्या सोचते हैं। वे श्रीनिवासन के बारे में क्या सोचते हैं।’’ | यह एक सारांश है: दिल्ली एवं जिला क्रिकेट संघ (डीडीसीए) में जेटली विरोधी गुट के सदस्य आजाद ने कहा, ‘‘वे (बीसीसीआई) श्रीनिवासन के खिलाफ कार्रवाई नहीं करना चाहते। उन्हें लगता है कि अगर वे उसके खिलाफ कार्रवाई करेंगे तो आम सभा की अगली बैठक में उन्हें उसके समर्थकों से 10 से 15 | 9 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति जैकब जुमा ने कहा है कि देश के प्रथम अश्वेत राष्ट्रपति नेल्सन मंडेला के स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है। हालांकि मंडेला अब भी प्रीटोरिया अस्पताल में स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं।
समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, जुमा ने मंगलवार को अस्पताल जाकर मंडेला को क्रिसमस की शुभकामनाएं दी और वहां से लौटने के बाद यह जानकारी दी।
जुमा ने कहा, "उनके स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है, और जैसे ही मैंने उनके वार्ड में प्रवेश किया, वे मेरा घर का नाम लेकर बुलाए।"
राष्ट्रपति के अनुसार चिकित्सक, मंडेला के स्वास्थ्य में हो रहे सुधार से संतुष्ट हैं। हालांकि चिकित्सकों ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि उन्हें अस्पताल से छुट्टी कब तक मिलेगी।टिप्पणियां
मंडेला को गत 8 दिसम्बर को फेफड़ों में संक्रमण और पित्ताशय में पथरी से पीड़ित होने की वजह से अस्पताल में भर्ती कराया गया था। सर्जरी कर उनकी पित्ताशय पथरी बाहर निकाल दी गई है।
गौरतलब है कि मंडेला को रंगभेद के चलते अपने जीवन के 27 वर्ष जेल में गुजारने पड़े थे। वर्ष 1994 में वह देश के प्रथम अश्वेत राष्ट्रपति बने थे।
समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, जुमा ने मंगलवार को अस्पताल जाकर मंडेला को क्रिसमस की शुभकामनाएं दी और वहां से लौटने के बाद यह जानकारी दी।
जुमा ने कहा, "उनके स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है, और जैसे ही मैंने उनके वार्ड में प्रवेश किया, वे मेरा घर का नाम लेकर बुलाए।"
राष्ट्रपति के अनुसार चिकित्सक, मंडेला के स्वास्थ्य में हो रहे सुधार से संतुष्ट हैं। हालांकि चिकित्सकों ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि उन्हें अस्पताल से छुट्टी कब तक मिलेगी।टिप्पणियां
मंडेला को गत 8 दिसम्बर को फेफड़ों में संक्रमण और पित्ताशय में पथरी से पीड़ित होने की वजह से अस्पताल में भर्ती कराया गया था। सर्जरी कर उनकी पित्ताशय पथरी बाहर निकाल दी गई है।
गौरतलब है कि मंडेला को रंगभेद के चलते अपने जीवन के 27 वर्ष जेल में गुजारने पड़े थे। वर्ष 1994 में वह देश के प्रथम अश्वेत राष्ट्रपति बने थे।
जुमा ने कहा, "उनके स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है, और जैसे ही मैंने उनके वार्ड में प्रवेश किया, वे मेरा घर का नाम लेकर बुलाए।"
राष्ट्रपति के अनुसार चिकित्सक, मंडेला के स्वास्थ्य में हो रहे सुधार से संतुष्ट हैं। हालांकि चिकित्सकों ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि उन्हें अस्पताल से छुट्टी कब तक मिलेगी।टिप्पणियां
मंडेला को गत 8 दिसम्बर को फेफड़ों में संक्रमण और पित्ताशय में पथरी से पीड़ित होने की वजह से अस्पताल में भर्ती कराया गया था। सर्जरी कर उनकी पित्ताशय पथरी बाहर निकाल दी गई है।
गौरतलब है कि मंडेला को रंगभेद के चलते अपने जीवन के 27 वर्ष जेल में गुजारने पड़े थे। वर्ष 1994 में वह देश के प्रथम अश्वेत राष्ट्रपति बने थे।
राष्ट्रपति के अनुसार चिकित्सक, मंडेला के स्वास्थ्य में हो रहे सुधार से संतुष्ट हैं। हालांकि चिकित्सकों ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि उन्हें अस्पताल से छुट्टी कब तक मिलेगी।टिप्पणियां
मंडेला को गत 8 दिसम्बर को फेफड़ों में संक्रमण और पित्ताशय में पथरी से पीड़ित होने की वजह से अस्पताल में भर्ती कराया गया था। सर्जरी कर उनकी पित्ताशय पथरी बाहर निकाल दी गई है।
गौरतलब है कि मंडेला को रंगभेद के चलते अपने जीवन के 27 वर्ष जेल में गुजारने पड़े थे। वर्ष 1994 में वह देश के प्रथम अश्वेत राष्ट्रपति बने थे।
मंडेला को गत 8 दिसम्बर को फेफड़ों में संक्रमण और पित्ताशय में पथरी से पीड़ित होने की वजह से अस्पताल में भर्ती कराया गया था। सर्जरी कर उनकी पित्ताशय पथरी बाहर निकाल दी गई है।
गौरतलब है कि मंडेला को रंगभेद के चलते अपने जीवन के 27 वर्ष जेल में गुजारने पड़े थे। वर्ष 1994 में वह देश के प्रथम अश्वेत राष्ट्रपति बने थे।
गौरतलब है कि मंडेला को रंगभेद के चलते अपने जीवन के 27 वर्ष जेल में गुजारने पड़े थे। वर्ष 1994 में वह देश के प्रथम अश्वेत राष्ट्रपति बने थे। | सारांश: दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति जैकब जुमा ने कहा है कि देश के प्रथम अश्वेत राष्ट्रपति नेल्सन मंडेला के स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है। हालांकि मंडेला अब भी प्रीटोरिया अस्पताल में स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं। | 5 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: नए कप्तान दिनेश चंदीमल की अगुवाई में श्रीलंका कल से यहां जिम्बाब्वे के खिलाफ शुरू होने वाले एकमात्र टेस्ट मैच में वनडे सीरीज के दौरान मिली शर्मनाक हार का बदला चुकता करने के लिये उतरेगा. जिम्बाब्वे ने इससे पहले पांच मैचों की वनडे सीरीज में श्रीलंका को 3-2 से हराया था जिसके बाद एंजेलो मैथ्यूज ने कप्तानी छोड़ दी थी. उनकी जगह पर चंदीमल को टेस्ट टीम की कमान सौंपी गई और उनकी अगुवाई में टीम अपना पहला मैच खेलेगी.
चंदीमल भी इस नई जिम्मेदारी को लेकर उत्साहित हैं. उन्होंने मैच की पूर्व संध्या पर पत्रकारों से कहा,‘मैं टीम की अगुवाई करने को लेकर उत्साहित हूं और मैं इस टीम को आगे बढ़ाना चाहता हूं और रैंकिंग में सुधार करना चाहता हूं. पिछले साल हम काफी उतार-चढ़ाव से गुजरे लेकिन हमारे पास युवा और अनुभवी खिलाड़ियों का अच्छा मिश्रण है.’ श्रीलंका अभी टेस्ट क्रिकेट में सातवीं रैंकिंग पर है और उसे उम्मीद है कि चंदीमल के नेतृत्व में टीम जीत से शुरुआत करेगी जिससे उसके लिये एक नया दौर भी शुरू होगा. वनडे सीरीज में अच्छा प्रदर्शन करने वाले बायें हाथ के धनुष्का गुणतिलक को टेस्ट मैचों में पदार्पण का मौका मिल सकता है. वह अनुभवी दिमुथ करूणारत्ने के साथ पारी का आगाज कर सकते हैं. तेज गेंदबाज विश्व फर्नांडो भी टीम में है जबकि 373 टेस्ट विकेट लेने वाले रंगना हेराथ और दिलरूवान परेरा स्पिन विभाग की अगुवाई करेंगे.टिप्पणियां
दूसरी ओर, जिम्बाब्वे वनडे में जीत से उत्साह से लबरेज है और वह अपने इस प्रदर्शन को बरकरार रखने की कोशिश करेगा. उसका दारोमदार फिर से हैमिल्टन मसाकाद्जा पर टिका रहेगा जिन्हें वनडे मैचों में 'मैन ऑफ द सीरीज' चुना गया था. हालांकि श्रीलंका को टेस्ट मैचों में हराना जिम्बाब्वे की अनुभवहीन टीम के लिये आसान नहीं होगा. जिम्बाब्वे के कप्तान ग्रीम क्रेमर ने कहा, ‘यह दौरा हमारे लिये खास है. हमें दौरे का शानदार अंत करने के लिये टेस्ट मैच भी अच्छा प्रदर्शन करना होगा.’ (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
चंदीमल भी इस नई जिम्मेदारी को लेकर उत्साहित हैं. उन्होंने मैच की पूर्व संध्या पर पत्रकारों से कहा,‘मैं टीम की अगुवाई करने को लेकर उत्साहित हूं और मैं इस टीम को आगे बढ़ाना चाहता हूं और रैंकिंग में सुधार करना चाहता हूं. पिछले साल हम काफी उतार-चढ़ाव से गुजरे लेकिन हमारे पास युवा और अनुभवी खिलाड़ियों का अच्छा मिश्रण है.’ श्रीलंका अभी टेस्ट क्रिकेट में सातवीं रैंकिंग पर है और उसे उम्मीद है कि चंदीमल के नेतृत्व में टीम जीत से शुरुआत करेगी जिससे उसके लिये एक नया दौर भी शुरू होगा. वनडे सीरीज में अच्छा प्रदर्शन करने वाले बायें हाथ के धनुष्का गुणतिलक को टेस्ट मैचों में पदार्पण का मौका मिल सकता है. वह अनुभवी दिमुथ करूणारत्ने के साथ पारी का आगाज कर सकते हैं. तेज गेंदबाज विश्व फर्नांडो भी टीम में है जबकि 373 टेस्ट विकेट लेने वाले रंगना हेराथ और दिलरूवान परेरा स्पिन विभाग की अगुवाई करेंगे.टिप्पणियां
दूसरी ओर, जिम्बाब्वे वनडे में जीत से उत्साह से लबरेज है और वह अपने इस प्रदर्शन को बरकरार रखने की कोशिश करेगा. उसका दारोमदार फिर से हैमिल्टन मसाकाद्जा पर टिका रहेगा जिन्हें वनडे मैचों में 'मैन ऑफ द सीरीज' चुना गया था. हालांकि श्रीलंका को टेस्ट मैचों में हराना जिम्बाब्वे की अनुभवहीन टीम के लिये आसान नहीं होगा. जिम्बाब्वे के कप्तान ग्रीम क्रेमर ने कहा, ‘यह दौरा हमारे लिये खास है. हमें दौरे का शानदार अंत करने के लिये टेस्ट मैच भी अच्छा प्रदर्शन करना होगा.’ (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
दूसरी ओर, जिम्बाब्वे वनडे में जीत से उत्साह से लबरेज है और वह अपने इस प्रदर्शन को बरकरार रखने की कोशिश करेगा. उसका दारोमदार फिर से हैमिल्टन मसाकाद्जा पर टिका रहेगा जिन्हें वनडे मैचों में 'मैन ऑफ द सीरीज' चुना गया था. हालांकि श्रीलंका को टेस्ट मैचों में हराना जिम्बाब्वे की अनुभवहीन टीम के लिये आसान नहीं होगा. जिम्बाब्वे के कप्तान ग्रीम क्रेमर ने कहा, ‘यह दौरा हमारे लिये खास है. हमें दौरे का शानदार अंत करने के लिये टेस्ट मैच भी अच्छा प्रदर्शन करना होगा.’ (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | यहाँ एक सारांश है:वनडे सीरीज में जिम्बाब्वे ने श्रीलंका को 3-2 से हराया था
इस हार के बाद मैथ्यूज ने कप्तानी से दे दिया था इस्तीफा
दिनेश चंदीमल संभालेंगे श्रीलंका टेस्ट टीम की कमान | 4 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: बॉलीवुड अभिनेता अर्जुन कपूर का कहना है कि वह अभिनेत्री करीना कपूर को काफी पसंद करते हैं और उनके साथ फिल्म में काम करने के लिए वह कुछ भी करेंगे।
फिल्म 'इशकजादे' से अभिनय करियर की शुरुआत करने वाले अर्जुन ने 'यूटीवी स्टार्स' के 'लिव माई लाइफ-2' कार्यक्रम में इसका खुलासा किया।टिप्पणियां
कार्यक्रम के दौरान उनकी प्रशंसक अमूल्या ने जब उनसे पूछा कि वह किस अभिनेत्री के साथ काम करना चाहेंगे तो अर्जुन ने कहा, करीना कपूर। मैं उन्हें बहुत पसंद करता हूं और मैं उनके साथ किसी भी कीमत पर काम करने के लिए तैयार हूं। मैं वास्तव में उनके साथ काम करना चाहता हूं। कार्यक्रम की यह कड़ी रविवार को प्रसारित होगी।
फिलहाल, अर्जुन 'गुंडे' और 'औरंगजेब' फिल्म की शूटिंग में व्यस्त है।
फिल्म 'इशकजादे' से अभिनय करियर की शुरुआत करने वाले अर्जुन ने 'यूटीवी स्टार्स' के 'लिव माई लाइफ-2' कार्यक्रम में इसका खुलासा किया।टिप्पणियां
कार्यक्रम के दौरान उनकी प्रशंसक अमूल्या ने जब उनसे पूछा कि वह किस अभिनेत्री के साथ काम करना चाहेंगे तो अर्जुन ने कहा, करीना कपूर। मैं उन्हें बहुत पसंद करता हूं और मैं उनके साथ किसी भी कीमत पर काम करने के लिए तैयार हूं। मैं वास्तव में उनके साथ काम करना चाहता हूं। कार्यक्रम की यह कड़ी रविवार को प्रसारित होगी।
फिलहाल, अर्जुन 'गुंडे' और 'औरंगजेब' फिल्म की शूटिंग में व्यस्त है।
कार्यक्रम के दौरान उनकी प्रशंसक अमूल्या ने जब उनसे पूछा कि वह किस अभिनेत्री के साथ काम करना चाहेंगे तो अर्जुन ने कहा, करीना कपूर। मैं उन्हें बहुत पसंद करता हूं और मैं उनके साथ किसी भी कीमत पर काम करने के लिए तैयार हूं। मैं वास्तव में उनके साथ काम करना चाहता हूं। कार्यक्रम की यह कड़ी रविवार को प्रसारित होगी।
फिलहाल, अर्जुन 'गुंडे' और 'औरंगजेब' फिल्म की शूटिंग में व्यस्त है।
फिलहाल, अर्जुन 'गुंडे' और 'औरंगजेब' फिल्म की शूटिंग में व्यस्त है। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: बॉलीवुड अभिनेता अर्जुन कपूर का कहना है कि वह अभिनेत्री करीना कपूर को काफी पसंद करते हैं और उनके साथ फिल्म में काम करने के लिए वह कुछ भी करेंगे। | 32 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: वित्तमंत्री पी चिदंबरम ने अगले दो साल के दौरान नए सुधारों को बढ़ाने का वादा करते हुए गुरुवार को कहा कि स्टैण्डर्ड एण्ड पूअर्स (एस एण्ड पी) द्वारा भारत की रेटिंग घटाए जाने का कोई गंभीर खतरा नहीं है।
एस एण्ड पी ने भारत में सुधारों के आगे नहीं बढ़ने की स्थिति में अगले 24 महीने के दौरान रेटिंग गिरने की चेतावनी दी है। चिदंबरम से जब इस बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, ‘‘मुझे नहीं लगता कि रेटिंग गिरने का कोई गंभीर खतरा है।’’ चिदंबरम अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ), विश्व बैंक की सालाना बैठक के अवसर पर अलग से एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि अगले 24 महीनों में सुधारों के मोर्चे पर कई कदम उठाए जाएंगे।टिप्पणियां
एस एण्ड पी ने अपनी रिपोर्ट में बुधवार को कहा कि यदि भारत की रेटिंग घटने की तीन के मुकाबले एक की संभावना है। एजेंसी के अनुसार यदि आर्थिक वृद्धि की संभावनायें धूमिल होती हैं, बाहरी मोर्चे पर स्थिति कमजोर पड़ती है, निवेश माहौल बिगड़ता है और राजकोषीय सुधार धीमा रहता है तो रेटिंग घट सकती है।
चिदंबरम ने कहा, ‘‘हम उन्हें आश्वस्त करेंगे कि आर्थिक वृद्धि और वृद्धि की संभावनाओं के मामले में भारत की स्थिति ऐसी नहीं है कि उसकी रेटिंग कम की जाए, इस मामले में भारत दुनिया के कई देशों के मुकाबले काफी ऊपर है।’’
एस एण्ड पी ने भारत में सुधारों के आगे नहीं बढ़ने की स्थिति में अगले 24 महीने के दौरान रेटिंग गिरने की चेतावनी दी है। चिदंबरम से जब इस बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, ‘‘मुझे नहीं लगता कि रेटिंग गिरने का कोई गंभीर खतरा है।’’ चिदंबरम अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ), विश्व बैंक की सालाना बैठक के अवसर पर अलग से एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि अगले 24 महीनों में सुधारों के मोर्चे पर कई कदम उठाए जाएंगे।टिप्पणियां
एस एण्ड पी ने अपनी रिपोर्ट में बुधवार को कहा कि यदि भारत की रेटिंग घटने की तीन के मुकाबले एक की संभावना है। एजेंसी के अनुसार यदि आर्थिक वृद्धि की संभावनायें धूमिल होती हैं, बाहरी मोर्चे पर स्थिति कमजोर पड़ती है, निवेश माहौल बिगड़ता है और राजकोषीय सुधार धीमा रहता है तो रेटिंग घट सकती है।
चिदंबरम ने कहा, ‘‘हम उन्हें आश्वस्त करेंगे कि आर्थिक वृद्धि और वृद्धि की संभावनाओं के मामले में भारत की स्थिति ऐसी नहीं है कि उसकी रेटिंग कम की जाए, इस मामले में भारत दुनिया के कई देशों के मुकाबले काफी ऊपर है।’’
एस एण्ड पी ने अपनी रिपोर्ट में बुधवार को कहा कि यदि भारत की रेटिंग घटने की तीन के मुकाबले एक की संभावना है। एजेंसी के अनुसार यदि आर्थिक वृद्धि की संभावनायें धूमिल होती हैं, बाहरी मोर्चे पर स्थिति कमजोर पड़ती है, निवेश माहौल बिगड़ता है और राजकोषीय सुधार धीमा रहता है तो रेटिंग घट सकती है।
चिदंबरम ने कहा, ‘‘हम उन्हें आश्वस्त करेंगे कि आर्थिक वृद्धि और वृद्धि की संभावनाओं के मामले में भारत की स्थिति ऐसी नहीं है कि उसकी रेटिंग कम की जाए, इस मामले में भारत दुनिया के कई देशों के मुकाबले काफी ऊपर है।’’
चिदंबरम ने कहा, ‘‘हम उन्हें आश्वस्त करेंगे कि आर्थिक वृद्धि और वृद्धि की संभावनाओं के मामले में भारत की स्थिति ऐसी नहीं है कि उसकी रेटिंग कम की जाए, इस मामले में भारत दुनिया के कई देशों के मुकाबले काफी ऊपर है।’’ | यहाँ एक सारांश है:वित्तमंत्री पी चिदंबरम ने अगले दो साल के दौरान नए सुधारों को बढ़ाने का वादा करते हुए कहा कि स्टैण्डर्ड एण्ड पूअर्स (एस एण्ड पी) द्वारा भारत की रेटिंग घटाए जाने का कोई गंभीर खतरा नहीं है। | 4 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: पीएम नरेंद्र मोदी ने आज विज्ञान भवन में आयोजित एक कार्यक्रम में जॉर्डन के शाह की मौजूदगी में लोगों को संबोधित किया. वे इस्लामिक हेरिटेज के मुद्दे पर बोल रहे थे. उन्होंने कहा कि आपका वतन और हमारा दोस्त देश जॉर्डन इतिहास की किताबों और धर्म के ग्रंथों में एक अमिट नाम है. उन्होंने कहा कि जॉर्डन एक ऐसी पवित्र भूमि पर आबाद है जहां से ख़ुदा का पैग़ाम पैगम्बरों और संतों की आवाज़ बनकर दुनिया भर में गूंजा.
पीएम मोदी ने कहा कि दुनियाभर के मज़हब और मत भारत की मिट्टी में पनपे हैं. यहां की आबोहवा में उन्होंने ज़िन्दगी पाई, सांस ली. चाहे वह 2500 साल पहले भगवान बुद्ध हों या पिछली शताब्दी में महात्मा गांधी. अमन और मुहब्बत के पैग़ाम की ख़ुशबू भारत के चमन से सारी दुनिया में फैली है.
उन्होंन कहा कि यहां से भारत के प्राचीन दर्शन और सूफियों के प्रेम और मानवतावाद की मिलीजुली परम्परा ने मानवमात्र की मूलभूत एकता का पैगाम दिया है. मानवमात्र के एकात्म की इस भावना ने भारत को 'वसुधैव कुटुम्बकम्' का दर्शन दिया है. भारत ने सारी दुनिया को एक परिवार मानकर उसके साथ अपनी पहचान बनाई है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि हर भारतीय को गर्व है अपनी विविधता की विशेषता पर. अपनी विरासत की विविधता पर, और विविधता की विरासत पर. चाहे वह कोई ज़ुबान बोलता हो. चाहे वह मंदिर में दिया जलाता हो या मस्जिद में सज़दा करता हो, चाहे वह चर्च में प्रार्थना करे या गुरुद्वारे में शबद गाये.
पीएम मोदी ने कहा कि दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र भारत में democracy एक राजनैतिक व्यवस्था ही नहीं बल्कि समानता, विविधता और सामंजस्य का मूल आधार है.
उन्होंने कहा कि यह वो शक्ति है जिसके बल पर हर भारतीय के मन में आपने गौरवशाली अतीत के प्रति आदर है, वर्तमान के प्रति विश्वास है और भविष्य पर भरोसा है.
पीएम मोदी ने कहा कि हमारी विरासत और मूल्य, हमारे मज़हबों का पैगाम और उनके उसूल वह ताक़त हैं जिनके बल पर हम हिंसा और दहशतगर्दी जैसी चुनौतियों से पार पा सकते हैं इंसानियात के ख़िलाफ़ दरिंदगी का हमला करने वाले शायद यह नहीं समझते कि नुकसान उस मज़हब का होता है जिसके लिए खड़े होने का वो दावा करते हैं.टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि भारत में हमारी यह कोशिश है कि सबकी तरक्की के लिए सबको साथ लेकर चलें. क्योंकि सारे मुल्क की तकदीर हर शहरी की तरक्की से जुड़ी है. क्योंकि मुल्क की खुशहाली से हर एक की खुशहाली बाबस्ता है.
पीएम मोदी ने कहा कि मज़हब का मर्म अमानवीय हो ही नहीं सकता. हर पन्थ, हर संप्रदाय, हर परंपरा मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए ही है. इसलिए, आज सबसे ज्यादा ज़रूरत ये है कि हमारे युवा एक तरफ मानवीय इस्लाम से जुड़े हों और दूसरी तरफ आधुनिक विज्ञान और तरक्की के साधनों का इस्तेमाल भी कर सकें.
पीएम मोदी ने कहा कि दुनियाभर के मज़हब और मत भारत की मिट्टी में पनपे हैं. यहां की आबोहवा में उन्होंने ज़िन्दगी पाई, सांस ली. चाहे वह 2500 साल पहले भगवान बुद्ध हों या पिछली शताब्दी में महात्मा गांधी. अमन और मुहब्बत के पैग़ाम की ख़ुशबू भारत के चमन से सारी दुनिया में फैली है.
उन्होंन कहा कि यहां से भारत के प्राचीन दर्शन और सूफियों के प्रेम और मानवतावाद की मिलीजुली परम्परा ने मानवमात्र की मूलभूत एकता का पैगाम दिया है. मानवमात्र के एकात्म की इस भावना ने भारत को 'वसुधैव कुटुम्बकम्' का दर्शन दिया है. भारत ने सारी दुनिया को एक परिवार मानकर उसके साथ अपनी पहचान बनाई है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि हर भारतीय को गर्व है अपनी विविधता की विशेषता पर. अपनी विरासत की विविधता पर, और विविधता की विरासत पर. चाहे वह कोई ज़ुबान बोलता हो. चाहे वह मंदिर में दिया जलाता हो या मस्जिद में सज़दा करता हो, चाहे वह चर्च में प्रार्थना करे या गुरुद्वारे में शबद गाये.
पीएम मोदी ने कहा कि दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र भारत में democracy एक राजनैतिक व्यवस्था ही नहीं बल्कि समानता, विविधता और सामंजस्य का मूल आधार है.
उन्होंने कहा कि यह वो शक्ति है जिसके बल पर हर भारतीय के मन में आपने गौरवशाली अतीत के प्रति आदर है, वर्तमान के प्रति विश्वास है और भविष्य पर भरोसा है.
पीएम मोदी ने कहा कि हमारी विरासत और मूल्य, हमारे मज़हबों का पैगाम और उनके उसूल वह ताक़त हैं जिनके बल पर हम हिंसा और दहशतगर्दी जैसी चुनौतियों से पार पा सकते हैं इंसानियात के ख़िलाफ़ दरिंदगी का हमला करने वाले शायद यह नहीं समझते कि नुकसान उस मज़हब का होता है जिसके लिए खड़े होने का वो दावा करते हैं.टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि भारत में हमारी यह कोशिश है कि सबकी तरक्की के लिए सबको साथ लेकर चलें. क्योंकि सारे मुल्क की तकदीर हर शहरी की तरक्की से जुड़ी है. क्योंकि मुल्क की खुशहाली से हर एक की खुशहाली बाबस्ता है.
पीएम मोदी ने कहा कि मज़हब का मर्म अमानवीय हो ही नहीं सकता. हर पन्थ, हर संप्रदाय, हर परंपरा मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए ही है. इसलिए, आज सबसे ज्यादा ज़रूरत ये है कि हमारे युवा एक तरफ मानवीय इस्लाम से जुड़े हों और दूसरी तरफ आधुनिक विज्ञान और तरक्की के साधनों का इस्तेमाल भी कर सकें.
उन्होंन कहा कि यहां से भारत के प्राचीन दर्शन और सूफियों के प्रेम और मानवतावाद की मिलीजुली परम्परा ने मानवमात्र की मूलभूत एकता का पैगाम दिया है. मानवमात्र के एकात्म की इस भावना ने भारत को 'वसुधैव कुटुम्बकम्' का दर्शन दिया है. भारत ने सारी दुनिया को एक परिवार मानकर उसके साथ अपनी पहचान बनाई है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि हर भारतीय को गर्व है अपनी विविधता की विशेषता पर. अपनी विरासत की विविधता पर, और विविधता की विरासत पर. चाहे वह कोई ज़ुबान बोलता हो. चाहे वह मंदिर में दिया जलाता हो या मस्जिद में सज़दा करता हो, चाहे वह चर्च में प्रार्थना करे या गुरुद्वारे में शबद गाये.
पीएम मोदी ने कहा कि दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र भारत में democracy एक राजनैतिक व्यवस्था ही नहीं बल्कि समानता, विविधता और सामंजस्य का मूल आधार है.
उन्होंने कहा कि यह वो शक्ति है जिसके बल पर हर भारतीय के मन में आपने गौरवशाली अतीत के प्रति आदर है, वर्तमान के प्रति विश्वास है और भविष्य पर भरोसा है.
पीएम मोदी ने कहा कि हमारी विरासत और मूल्य, हमारे मज़हबों का पैगाम और उनके उसूल वह ताक़त हैं जिनके बल पर हम हिंसा और दहशतगर्दी जैसी चुनौतियों से पार पा सकते हैं इंसानियात के ख़िलाफ़ दरिंदगी का हमला करने वाले शायद यह नहीं समझते कि नुकसान उस मज़हब का होता है जिसके लिए खड़े होने का वो दावा करते हैं.टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि भारत में हमारी यह कोशिश है कि सबकी तरक्की के लिए सबको साथ लेकर चलें. क्योंकि सारे मुल्क की तकदीर हर शहरी की तरक्की से जुड़ी है. क्योंकि मुल्क की खुशहाली से हर एक की खुशहाली बाबस्ता है.
पीएम मोदी ने कहा कि मज़हब का मर्म अमानवीय हो ही नहीं सकता. हर पन्थ, हर संप्रदाय, हर परंपरा मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए ही है. इसलिए, आज सबसे ज्यादा ज़रूरत ये है कि हमारे युवा एक तरफ मानवीय इस्लाम से जुड़े हों और दूसरी तरफ आधुनिक विज्ञान और तरक्की के साधनों का इस्तेमाल भी कर सकें.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि हर भारतीय को गर्व है अपनी विविधता की विशेषता पर. अपनी विरासत की विविधता पर, और विविधता की विरासत पर. चाहे वह कोई ज़ुबान बोलता हो. चाहे वह मंदिर में दिया जलाता हो या मस्जिद में सज़दा करता हो, चाहे वह चर्च में प्रार्थना करे या गुरुद्वारे में शबद गाये.
पीएम मोदी ने कहा कि दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र भारत में democracy एक राजनैतिक व्यवस्था ही नहीं बल्कि समानता, विविधता और सामंजस्य का मूल आधार है.
उन्होंने कहा कि यह वो शक्ति है जिसके बल पर हर भारतीय के मन में आपने गौरवशाली अतीत के प्रति आदर है, वर्तमान के प्रति विश्वास है और भविष्य पर भरोसा है.
पीएम मोदी ने कहा कि हमारी विरासत और मूल्य, हमारे मज़हबों का पैगाम और उनके उसूल वह ताक़त हैं जिनके बल पर हम हिंसा और दहशतगर्दी जैसी चुनौतियों से पार पा सकते हैं इंसानियात के ख़िलाफ़ दरिंदगी का हमला करने वाले शायद यह नहीं समझते कि नुकसान उस मज़हब का होता है जिसके लिए खड़े होने का वो दावा करते हैं.टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि भारत में हमारी यह कोशिश है कि सबकी तरक्की के लिए सबको साथ लेकर चलें. क्योंकि सारे मुल्क की तकदीर हर शहरी की तरक्की से जुड़ी है. क्योंकि मुल्क की खुशहाली से हर एक की खुशहाली बाबस्ता है.
पीएम मोदी ने कहा कि मज़हब का मर्म अमानवीय हो ही नहीं सकता. हर पन्थ, हर संप्रदाय, हर परंपरा मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए ही है. इसलिए, आज सबसे ज्यादा ज़रूरत ये है कि हमारे युवा एक तरफ मानवीय इस्लाम से जुड़े हों और दूसरी तरफ आधुनिक विज्ञान और तरक्की के साधनों का इस्तेमाल भी कर सकें.
पीएम मोदी ने कहा कि दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र भारत में democracy एक राजनैतिक व्यवस्था ही नहीं बल्कि समानता, विविधता और सामंजस्य का मूल आधार है.
उन्होंने कहा कि यह वो शक्ति है जिसके बल पर हर भारतीय के मन में आपने गौरवशाली अतीत के प्रति आदर है, वर्तमान के प्रति विश्वास है और भविष्य पर भरोसा है.
पीएम मोदी ने कहा कि हमारी विरासत और मूल्य, हमारे मज़हबों का पैगाम और उनके उसूल वह ताक़त हैं जिनके बल पर हम हिंसा और दहशतगर्दी जैसी चुनौतियों से पार पा सकते हैं इंसानियात के ख़िलाफ़ दरिंदगी का हमला करने वाले शायद यह नहीं समझते कि नुकसान उस मज़हब का होता है जिसके लिए खड़े होने का वो दावा करते हैं.टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि भारत में हमारी यह कोशिश है कि सबकी तरक्की के लिए सबको साथ लेकर चलें. क्योंकि सारे मुल्क की तकदीर हर शहरी की तरक्की से जुड़ी है. क्योंकि मुल्क की खुशहाली से हर एक की खुशहाली बाबस्ता है.
पीएम मोदी ने कहा कि मज़हब का मर्म अमानवीय हो ही नहीं सकता. हर पन्थ, हर संप्रदाय, हर परंपरा मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए ही है. इसलिए, आज सबसे ज्यादा ज़रूरत ये है कि हमारे युवा एक तरफ मानवीय इस्लाम से जुड़े हों और दूसरी तरफ आधुनिक विज्ञान और तरक्की के साधनों का इस्तेमाल भी कर सकें.
उन्होंने कहा कि यह वो शक्ति है जिसके बल पर हर भारतीय के मन में आपने गौरवशाली अतीत के प्रति आदर है, वर्तमान के प्रति विश्वास है और भविष्य पर भरोसा है.
पीएम मोदी ने कहा कि हमारी विरासत और मूल्य, हमारे मज़हबों का पैगाम और उनके उसूल वह ताक़त हैं जिनके बल पर हम हिंसा और दहशतगर्दी जैसी चुनौतियों से पार पा सकते हैं इंसानियात के ख़िलाफ़ दरिंदगी का हमला करने वाले शायद यह नहीं समझते कि नुकसान उस मज़हब का होता है जिसके लिए खड़े होने का वो दावा करते हैं.टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि भारत में हमारी यह कोशिश है कि सबकी तरक्की के लिए सबको साथ लेकर चलें. क्योंकि सारे मुल्क की तकदीर हर शहरी की तरक्की से जुड़ी है. क्योंकि मुल्क की खुशहाली से हर एक की खुशहाली बाबस्ता है.
पीएम मोदी ने कहा कि मज़हब का मर्म अमानवीय हो ही नहीं सकता. हर पन्थ, हर संप्रदाय, हर परंपरा मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए ही है. इसलिए, आज सबसे ज्यादा ज़रूरत ये है कि हमारे युवा एक तरफ मानवीय इस्लाम से जुड़े हों और दूसरी तरफ आधुनिक विज्ञान और तरक्की के साधनों का इस्तेमाल भी कर सकें.
पीएम मोदी ने कहा कि हमारी विरासत और मूल्य, हमारे मज़हबों का पैगाम और उनके उसूल वह ताक़त हैं जिनके बल पर हम हिंसा और दहशतगर्दी जैसी चुनौतियों से पार पा सकते हैं इंसानियात के ख़िलाफ़ दरिंदगी का हमला करने वाले शायद यह नहीं समझते कि नुकसान उस मज़हब का होता है जिसके लिए खड़े होने का वो दावा करते हैं.टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि भारत में हमारी यह कोशिश है कि सबकी तरक्की के लिए सबको साथ लेकर चलें. क्योंकि सारे मुल्क की तकदीर हर शहरी की तरक्की से जुड़ी है. क्योंकि मुल्क की खुशहाली से हर एक की खुशहाली बाबस्ता है.
पीएम मोदी ने कहा कि मज़हब का मर्म अमानवीय हो ही नहीं सकता. हर पन्थ, हर संप्रदाय, हर परंपरा मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए ही है. इसलिए, आज सबसे ज्यादा ज़रूरत ये है कि हमारे युवा एक तरफ मानवीय इस्लाम से जुड़े हों और दूसरी तरफ आधुनिक विज्ञान और तरक्की के साधनों का इस्तेमाल भी कर सकें.
उन्होंने कहा कि भारत में हमारी यह कोशिश है कि सबकी तरक्की के लिए सबको साथ लेकर चलें. क्योंकि सारे मुल्क की तकदीर हर शहरी की तरक्की से जुड़ी है. क्योंकि मुल्क की खुशहाली से हर एक की खुशहाली बाबस्ता है.
पीएम मोदी ने कहा कि मज़हब का मर्म अमानवीय हो ही नहीं सकता. हर पन्थ, हर संप्रदाय, हर परंपरा मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए ही है. इसलिए, आज सबसे ज्यादा ज़रूरत ये है कि हमारे युवा एक तरफ मानवीय इस्लाम से जुड़े हों और दूसरी तरफ आधुनिक विज्ञान और तरक्की के साधनों का इस्तेमाल भी कर सकें.
पीएम मोदी ने कहा कि मज़हब का मर्म अमानवीय हो ही नहीं सकता. हर पन्थ, हर संप्रदाय, हर परंपरा मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए ही है. इसलिए, आज सबसे ज्यादा ज़रूरत ये है कि हमारे युवा एक तरफ मानवीय इस्लाम से जुड़े हों और दूसरी तरफ आधुनिक विज्ञान और तरक्की के साधनों का इस्तेमाल भी कर सकें. | संक्षिप्त पाठ: पीएम ने विज्ञान भवन में कार्यक्रम को संबोधित किया.
इस्लामिक हेरिटेज पर पीएम ने रखे विचार
जॉर्डन के शाह के सम्मान में कार्यक्रम | 30 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: उरूग्वे ने कोपा अमेरिका फुटबॉल टूर्नामेंट के क्वार्टर फाइनल में खिताब के प्रबल दावेदार अर्जेंटीना को पेनल्टी में 5-4 से हराकर सनसनी फैला दी। दोनों टीमें अतिरिक्त समय के बाद भी 1-1 से बराबर चल रही थी। आखिरी क्षणों में स्थानापन्न खिलाड़ी के रूप में उतरे कालरेस तावेज सांता फे स्टेडियम में महत्वपूर्ण पेनल्टी चूक गए। लियोनेल मेस्सी जैसे स्टार फुटबॉलर के रहते हुए अर्जेंटीना को इस बार उम्मीद थी कि वह पिछले 18 साल से चले आ रहे खिताब के सूखे को खत्म कर देगा, लेकिन उसे 1993 के बाद अगली ट्रॉफी जीतने के लिए अभी इंतजार करना पड़ेगा। डियगो पेरेज ने उरूग्वे को पांचवें मिनट में ही बढ़त दिला दी थी, लेकिन गोंजालो हिगुएन ने 12 मिनट बाद स्कोर बराबर कर दिया। दोनों टीमें 90वें मिनट में 10 खिलाड़ियों के साथ पहुंची। पेरेज को 38वें मिनट में दूसरा पीला कार्ड मिला और उन्हें बाहर जाना पड़ा, जबकि अर्जेंटीना के कप्तान जेवियर मासचेरानो को 86वें मिनट में लाल कार्ड दिखाया गया। अतिरिक्त समय में भी कोई टीम गोल नहीं कर पाई, जिससे पेनल्टी का सहारा लिया गया। उरूग्वे ने इसमें जीत दर्ज करके सेमीफाइनल में जगह बनाई, जहां उसका मुकाबला पेरू से होगा। पेरू ने कोलंबिया को 2-0 से हराया। लेकिन अर्जेंटीना ने वापसी करने में देर नहीं लगाई और उसके इस गोल में मेस्सी ने अहम भूमिका निभाई। खेल के 17वें मिनट में मेस्सी ने दायीं तरफ से क्रॉस दिया, जिस पर हिगुएन ने गजब की फुर्ती दिखाकर हेडर से गोल कर दिया। इसके बाद दोनों टीमों को मौके मिले, लेकिन कोई भी उनका फायदा नहीं उठा पाया। इस बीच दूसरे हाफ में 12 मिनट के लिए खेल रुका भी रहा, तब एक दर्शक जिम्मी जंप मैदान में आ गया, जिससे खेल रोकना पड़ा था। | उरूग्वे ने कोपा अमेरिका फुटबॉल टूर्नामेंट के क्वार्टर फाइनल में खिताब के प्रबल दावेदार अर्जेंटीना को पेनल्टी में 5-4 से हराकर सनसनी फैला दी। | 34 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: भारतीय जनमानस में रचे-बसे माखनचोर कन्हैया के नाम को अपना ब्रांड नाम बनाने और उसपर विशेषाधिकार का डेयरी उत्पाद बेचने वाली कोई भी फर्म दावा नहीं कर सकती है। दिल्ली उच्च न्यायालय ने अपने एक आदेश में कहा कि दूध और अन्य डेयरी उत्पादों के ब्रांड नाम के लिए कोई भी कंपनी भगवान कृष्ण के नाम के उपयोग पर अपने विशेष अधिकार का दावा नहीं कर सकती। न्यायमूर्ति प्रदीप नांद्राजोग और सुनील गौर की पीठ ने डेयरी कंपनी भोले बाबा मिल्क फूड इंडस्ट्रीज लिमिटेड की अपील को खारिज करते हुए यह आदेश दिया। इससे पहले एक न्यायाधीश की पीठ ने कंपनी के डेयरी उत्पादों के लिए कृष्ण शब्द पर विशिष्ट अधिकार के दावे को खारिज कर दिया था जिसके खिलाफ कंपनी ने उक्त अपील की थी। पीठ ने कहा, सभी जानते हैं कि भगवान कृष्ण को बचपन में उनके दूध और मक्खन प्रेम के लिए जाना जाता है और इसलिए भगवान कृष्ण दूध और मक्खन से गहरे जुड़े हैं और इससे अपने डेयरी उत्पादों के साथ कृष्ण नाम जोड़ने का विशिष्ट दावा निश्चित तौर पर कमजोर पड़ जाता है। इससे पहले एकल न्यायाधीश की पीठ ने शहर की पारुल फूड स्पेसियालिटीज को अपने दुग्ध उत्पादों से कृष्ण नाम जोड़ने से रोकने से जुड़ी याचिका खारिज कर दी थी। पीठ ने कहा था कि कई डेयरी कंपनियों ने अपने उत्पादों का नाम कृष्ण पर रखा है और कहा था कि कंपनी का इस शब्द पर दावा उचित नहीं है। अपने ऊंचे बिक्री आंकड़े का हवाला देते हुए भोले बाबा मिल्क फूड इंडस्ट्रीज लिमिटेड ने कहा था कि उसके दुग्ध उत्पादों के सबंध में कृष्ण शब्द ने एक अलग पहचान बना ली है इसलिए उसका इस शब्द पर विशिष्ट अधिकार है। पारुल फूड स्पेशिलिटीज ने हालांकि, इसका विरोध किया और कहा कि कृष्ण एक सामान्य शब्द है और यह भगवान कृष्ण से भी जुड़ा है जिनका मक्खन, दूध और घी से गहरा नाता रहा है, इसलिए कोई भी इसपर अपना एकाधिकार नहीं जता सकता। | संक्षिप्त पाठ: माखनचोर कन्हैया के नाम को अपना ब्रांड नाम बनाने और उसपर विशेषाधिकार का डेयरी उत्पाद बेचने वाली कोई भी फर्म दावा नहीं कर सकती है। | 30 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: जम्मू-कश्मीर से लगी सीमा के करीब पाकिस्तान की ओर से आज फिर सीजफायर उल्लंघन किया गया है. पाकिस्तान की ओर से की गई गोलीबारी में सेना का एक जवान शहीद हो गया है और एक बच्ची की भी मौत की खबर है. जानकारी के अनुसार राजौरी में सीमा पार से पाकिस्तान ने गोलीबारी की है. पाकिस्तान की इस संघर्ष विराम उल्लंघन कार्रवाई में भारतीय सेना का जवान शहीद हो गया और एक बच्ची भी गोलीबारी का शिकार हो गई है. बताया जा रहा है कि गोलीबारी में 6 साल की साजिदा कफील की मौत हो गई है और दो अन्य घायल भी हो गए हैं.
एएनआई के अनुसार नायक मुदस्सर अहमद शहीद हो गए हैं. मुदस्सर, जम्मू कश्मीर के त्राल से आते हैं.
बता दें कि पाकिस्तान की सेना ने एक बार फिर संघर्षविराम का उल्लंघन करते हुए शनिवार को जम्मू-कश्मीर के राजौरी सेक्टर में फायरिंग की थी. दोपहर करीब 1:30 बजे हुई इस घटना के बाद भारतीय सैनिकों ने भी पाकिस्तानी फायरिंग का मुंहतोड़ जवाब दिया. पाकिस्तान की ओर से की गई फायरिंग में लांस नायक मोहम्मद नसीर शहीद हो गए थे. (ये भी पढ़ें : भारतीय सेना ने दिया पाकिस्तानी गोलाबारी का करारा जवाब, तबाह कर दिए बंकर)
पाकिस्तानी सेना पिछले कुछ समय से लगातार सीमा पर सीजफायर उल्लंघन कर रही है. सेना के सूत्रों के मुताबिक पाकिस्तानी सेना फायरिंग की आड़ में आतंकियों को घुसपैठ कराने की फिराक में है. इससे पहले बुधवार को भी केरन सेक्टर में एलओसी के पास पाकिस्तान की ओर से की गई फायरिंग में सेना के दो जवान शहीद हो गए थे. (ये भी पढ़ें : जम्मू-कश्मीर के राजौरी सेक्टर में पाकिस्तान की फायरिंग में भारतीय जवान शहीद) टिप्पणियां
सेना के मुताबिक पाकिस्तानी सैनिकों ने बिना किसी उकसावे के भारतीय सेना की अग्रिम चौकियों को निशाना बनाया. दोपहर 2 बजकर 20 मिनट पर न केवल छोटे हथियारों से फायरिंग की गई, बल्कि मोर्टार के गोले भी दागे गए. पाकिस्तान की फायरिंग में लांस नायक रंजीत सिंह और राइफलमैन सतीश भगत शहीद हो गए थे.
एएनआई के अनुसार नायक मुदस्सर अहमद शहीद हो गए हैं. मुदस्सर, जम्मू कश्मीर के त्राल से आते हैं.
बता दें कि पाकिस्तान की सेना ने एक बार फिर संघर्षविराम का उल्लंघन करते हुए शनिवार को जम्मू-कश्मीर के राजौरी सेक्टर में फायरिंग की थी. दोपहर करीब 1:30 बजे हुई इस घटना के बाद भारतीय सैनिकों ने भी पाकिस्तानी फायरिंग का मुंहतोड़ जवाब दिया. पाकिस्तान की ओर से की गई फायरिंग में लांस नायक मोहम्मद नसीर शहीद हो गए थे. (ये भी पढ़ें : भारतीय सेना ने दिया पाकिस्तानी गोलाबारी का करारा जवाब, तबाह कर दिए बंकर)
पाकिस्तानी सेना पिछले कुछ समय से लगातार सीमा पर सीजफायर उल्लंघन कर रही है. सेना के सूत्रों के मुताबिक पाकिस्तानी सेना फायरिंग की आड़ में आतंकियों को घुसपैठ कराने की फिराक में है. इससे पहले बुधवार को भी केरन सेक्टर में एलओसी के पास पाकिस्तान की ओर से की गई फायरिंग में सेना के दो जवान शहीद हो गए थे. (ये भी पढ़ें : जम्मू-कश्मीर के राजौरी सेक्टर में पाकिस्तान की फायरिंग में भारतीय जवान शहीद) टिप्पणियां
सेना के मुताबिक पाकिस्तानी सैनिकों ने बिना किसी उकसावे के भारतीय सेना की अग्रिम चौकियों को निशाना बनाया. दोपहर 2 बजकर 20 मिनट पर न केवल छोटे हथियारों से फायरिंग की गई, बल्कि मोर्टार के गोले भी दागे गए. पाकिस्तान की फायरिंग में लांस नायक रंजीत सिंह और राइफलमैन सतीश भगत शहीद हो गए थे.
बता दें कि पाकिस्तान की सेना ने एक बार फिर संघर्षविराम का उल्लंघन करते हुए शनिवार को जम्मू-कश्मीर के राजौरी सेक्टर में फायरिंग की थी. दोपहर करीब 1:30 बजे हुई इस घटना के बाद भारतीय सैनिकों ने भी पाकिस्तानी फायरिंग का मुंहतोड़ जवाब दिया. पाकिस्तान की ओर से की गई फायरिंग में लांस नायक मोहम्मद नसीर शहीद हो गए थे. (ये भी पढ़ें : भारतीय सेना ने दिया पाकिस्तानी गोलाबारी का करारा जवाब, तबाह कर दिए बंकर)
पाकिस्तानी सेना पिछले कुछ समय से लगातार सीमा पर सीजफायर उल्लंघन कर रही है. सेना के सूत्रों के मुताबिक पाकिस्तानी सेना फायरिंग की आड़ में आतंकियों को घुसपैठ कराने की फिराक में है. इससे पहले बुधवार को भी केरन सेक्टर में एलओसी के पास पाकिस्तान की ओर से की गई फायरिंग में सेना के दो जवान शहीद हो गए थे. (ये भी पढ़ें : जम्मू-कश्मीर के राजौरी सेक्टर में पाकिस्तान की फायरिंग में भारतीय जवान शहीद) टिप्पणियां
सेना के मुताबिक पाकिस्तानी सैनिकों ने बिना किसी उकसावे के भारतीय सेना की अग्रिम चौकियों को निशाना बनाया. दोपहर 2 बजकर 20 मिनट पर न केवल छोटे हथियारों से फायरिंग की गई, बल्कि मोर्टार के गोले भी दागे गए. पाकिस्तान की फायरिंग में लांस नायक रंजीत सिंह और राइफलमैन सतीश भगत शहीद हो गए थे.
पाकिस्तानी सेना पिछले कुछ समय से लगातार सीमा पर सीजफायर उल्लंघन कर रही है. सेना के सूत्रों के मुताबिक पाकिस्तानी सेना फायरिंग की आड़ में आतंकियों को घुसपैठ कराने की फिराक में है. इससे पहले बुधवार को भी केरन सेक्टर में एलओसी के पास पाकिस्तान की ओर से की गई फायरिंग में सेना के दो जवान शहीद हो गए थे. (ये भी पढ़ें : जम्मू-कश्मीर के राजौरी सेक्टर में पाकिस्तान की फायरिंग में भारतीय जवान शहीद) टिप्पणियां
सेना के मुताबिक पाकिस्तानी सैनिकों ने बिना किसी उकसावे के भारतीय सेना की अग्रिम चौकियों को निशाना बनाया. दोपहर 2 बजकर 20 मिनट पर न केवल छोटे हथियारों से फायरिंग की गई, बल्कि मोर्टार के गोले भी दागे गए. पाकिस्तान की फायरिंग में लांस नायक रंजीत सिंह और राइफलमैन सतीश भगत शहीद हो गए थे.
सेना के मुताबिक पाकिस्तानी सैनिकों ने बिना किसी उकसावे के भारतीय सेना की अग्रिम चौकियों को निशाना बनाया. दोपहर 2 बजकर 20 मिनट पर न केवल छोटे हथियारों से फायरिंग की गई, बल्कि मोर्टार के गोले भी दागे गए. पाकिस्तान की फायरिंग में लांस नायक रंजीत सिंह और राइफलमैन सतीश भगत शहीद हो गए थे. | संक्षिप्त पाठ: सीमापार से पाकिस्तान ने किया संघर्षविराम का उल्लंघन.
सीमा पर एक जवान शहीद
6 साल की एक बच्ची की भी मौत | 30 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: शिवसेना ने पीएम मोदी और राहुल गांधी पर बड़ा बयान दिया है. शिवसेना ने कहा कि गुजरात विधानसभा चुनाव ने कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी को एक नेता में तब्दील कर दिया है. उनका मंदिरों में जाना 'हिंदुत्व के लिए जीत' है. साथ ही उसने कहा कि राहुल गांधी अब 'पप्पू' नहीं रहे. भाजपा को बड़े मन से यह स्वीकार करना चाहिए. शिवसेना ने कहा कि गुजरात चुनाव के अंतिम चरण में पहुंचने के बाद पीएम मोदी ने आखिरकार कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी को एक 'मजबूत प्रतिद्वंदी' माना.
राहुल के कांग्रेस अध्यक्ष बनने की तैयारी को 'औरंगजेब राज' करार दिए जाने संबंधी प्रधानमंत्री मोदी के बयान को लेकर शिवसेना ने कटाक्ष किया और कहा कि 'इस बयान का मतलब यह है कि मोदी मानते हैं कि राहुल उनके प्रतिस्पर्धी हैं और नेतृत्व करने में सक्षम हो गए हैं.' शिवसेना ने कहा, 'उत्तर प्रदेश निकाय चुनाव के नतीजों के बाद गुजरात के नतीजे जो भी हो, पर यह संदेह है कि इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) भाजपा का सबसे मजबूत पक्ष है.' | संक्षिप्त पाठ: शिवसेना ने कहा गुजरात चुनाव ने राहुल को नेता में तब्दील कर दिया
कहा-भाजपा को स्वीकार करना चाहिए कि राहुल गांधी अब 'पप्पू' नहीं रहे
गुजरात में 9 दिसंबर को पहले चरण का मतदान होना है | 27 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: बहरीन में करीब एक हफ्ते से चल रहे सरकार विरोधी प्रदर्शनों के क्रम में बड़ी संख्या में लोग फिर से राजधानी मनामा के पर्ल चौक पर एकत्र हो गए। यहां के शाही परिवार पर सार्थक वार्ता के लिए निरंतर दबाव बढ़ता जा रहा है। एक प्रदर्शनकारी छात्र ने कहा, हमने पिछली रात बिना किसी समस्या के बिताई है। हम इस बात से डरे हुए हैं कि बीते गुरुवार की तरह सेना फिर से हम पर हमला कर देगी। बीते शनिवार को मनामा की सड़कों से सेना हटने के बाद प्रदर्शनकारी फिर से पर्ल चौक पर एकत्र हो गए। शाही परिवार पर विपक्षी समूह लगतार दबाव बना रहा है। सत्ता पक्ष ने विपक्ष को बातचीत का न्यौता भी दिया है। मुख्य शिया पार्टी के नेता अब्दुल-जलील खलील ने कहा कि विपक्षी दल राजतंत्र के वार्ता के प्रस्ताव पर विचार कर रहे हैं लेकिन अभी तक प्रत्यक्ष तौर पर कोई भी वार्ता नहीं चल रही है। विपक्षी पार्टियों और कर्मचारी संगठनों की तरफ से आहूत हड़ताल के कारण कई हिस्सों में आम जनजीवन बेहाल रहा। कुछ जगहों पर विरोध प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़पे हुईं। सुरक्षा बलों ने कुछ जगहों से प्रदर्शनकारियों को खदेड़ने के लिए गोलीबारी की। गौरतलब है कि बहरीन में हुए विरोध प्रदर्शनों में अभी तक कुल 14 लोगों की मौत हो चुकी है। | संक्षिप्त सारांश: बहरीन में करीब एक हफ्ते से चल रहे सरकार विरोधी प्रदर्शनों के क्रम में बड़ी संख्या में लोग फिर से राजधानी मनामा के पर्ल चौक पर एकत्र हो गए। | 10 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: इंडियन प्रीमियर लीग के चौथे संस्करण के अंतर्गत एम.ए. चिदम्बरम स्टेडियम में बुधवार को खेले गए लीग मुकाबले में मौजूदा चैम्पियन चेन्नई सुपर किंग्स ने कोच्चि टस्कर्स केरल को 11 रनों से पराजित कर दिया। इससे पहले टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए सुपर किंग्स ने निर्धारित 20 ओवर में पांच विकेट के नुकसान पर 152 रन बना लिए। सुपर किंग्स की ओर से वृद्धिमान साहा ने 42 और माइकल हसी ने 32 रनों का योगदान दिया। इसके जवाब में बल्लेबाजी करने उतरी कोच्चि टस्कर्स केरल निर्धारित 20 ओवर में पांच विकेट के नुकसान पर 141 रन ही बना सकी। कोच्चि टस्कर्स की ओर से ब्रैड हॉज ने नाबाद 51 रन और ब्रेंडन मैक्लम ने 33 रन बनाए। कोच्चि टस्कर्स का पहला विकेट तीसरे ओवर में पार्थिव पटेल के रूप में 11 रन के कुल योग पर गिरा। पटेल छह रन के निजी योग पर रविचंद्रन अश्विन की गेंद पर मोर्केल को कैच थमा बैठे। गणेश्वर राव 17 गेंदों में तीन चौके की मदद से 19 रन बनाकर आउट हुए। ब्रेंडन मैक्लम 14वें ओवर में 33 रन बनाकर आउट हुए। उन्होंने 37 गेंदों में तीन चौके लगाए। इसके बाद रवींद्र जडेजा 18वें ओवर में 13 गेंदों में एक चौका और एक छक्के की मदद से 19 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। ओवेश साह तीन रन के निजी योग पर रन आउट हो गए। ब्रैड हॉज 42 गेंदों में तीन चौके और दो छक्के की मदद से 51 रन बनाकर नाबाद रहे हालांकि वह अपनी टीम को जीत नहीं दिला सके। सुपर किंग्स की ओर से रविचंद्रन अश्विन, बोलिंगर, जकाती और ब्रावो को एक-एक सफलता मिली। इससे पहले टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए सुपर किंग्स ने निर्धारित 20 ओवर में पांच विकेट के नुकसान पर 152 रन बना लिए। सुपर किंग्स की ओर से वृद्धिमान साहा ने 42 और माइकल हसी ने 32 रनों का योगदान दिया। सुपर किंग्स को 19 के कुल योग पर मुरली विजय के रूप में पहला झटका लगा। रुद्रप्रताप सिंह ने विजय को 16 रनों के निजी योग पर बोल्ड किया। विजय के आउट होने के बाद सुरेश रैना ने आते ही खुलकर शॉट खेलने शुरू कर दिए। तेज गेंदबाज शांताकुमारन श्रीसंथ की गेंद को सीमा रेखा से बाहर पहुंचाने के प्रयास में रैना मिड ऑन पर खड़े रुद्रप्रताप के हाथों लपके गए। आउट होने से पहले रैना ने 13 गेंदों पर एक चौके और दो छक्कों की मदद से 19 रन बनाए। इसके बाद बद्रीनाथ के रूप में सुपर किंग्स का तीसरा विकेट गिरा। बद्रीनाथ को 13 के निजी योग पर पार्ट टाइम गेंदबाज ब्रैड हॉज ने रुद्रप्रताप के हाथों लपकवाया। माइकल हसी 37 गेंदों पर दो चौकों की मदद से 32 रन बनाकर आउट हुए। उन्हें रविंद्र जडेजा ने विनय कुमार के हाथों लपकवाया। महेंद्र सिंह धोनी नौ रन बनाकर आउट हुए। वृद्धिमान साहा 33 गेंदों में एक चौके और तीन छक्के की मदद से 42 रन बनाकर नाबाद लौटे। एल्बी मोर्केल 13 रन बनाकर नाबाद रहे। कोच्चि टस्कर्स की ओर से रविंद्र जडेजा को दो विकेट मिले जबकि रुद्रप्रताप सिंह, श्रीसंत, और हॉज ने एक-एक विकेट झटके। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: एम.ए. चिदम्बरम स्टेडियम में खेले गए लीग मुकाबले में मौजूदा चैम्पियन चेन्नई सुपर किंग्स ने कोच्चि टस्कर्स केरल को 11 रन से पराजित कर दिया। | 3 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: अन्ना हजारे राजनैतिक पार्टी बनाने के खिलाफ थे। 'इंडियन एक्सप्रेस' और 'जनसत्ता' अखबारों में छपी खबर के मुताबिक अन्ना हजारे भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ने के लिए किसी राजनैतिक दल के गठन के फैसले से सहमत नहीं थे।टिप्पणियां
यह बात अन्ना ने टीम के सदस्यों के सामने भी रखी थी। टीम अन्ना के इस फैसले से संतोष हेगड़े और श्री श्री रविशंकर भी नाखुश थे। अन्ना का समर्थन करने वाले कई सामाजिक संगठन भी राजनैतिक पार्टी बनाने के फैसले से सहमत नहीं थे।
अन्ना के करीबी सूत्र के मुताबिक जब टीम अन्ना के अनशन का कोई नतीजा निकलता नहीं दिखाई दे रहा था, तब टीम ने लड़ाई को जिंदा रखने के लिए राजनैतिक विकल्प की जरूरत बताई। अन्ना पार्टी बनाने के हक में नहीं थे और उन्होंने कहा था कि यह समय आंदोलन को छोड़ने का नहीं है।
यह बात अन्ना ने टीम के सदस्यों के सामने भी रखी थी। टीम अन्ना के इस फैसले से संतोष हेगड़े और श्री श्री रविशंकर भी नाखुश थे। अन्ना का समर्थन करने वाले कई सामाजिक संगठन भी राजनैतिक पार्टी बनाने के फैसले से सहमत नहीं थे।
अन्ना के करीबी सूत्र के मुताबिक जब टीम अन्ना के अनशन का कोई नतीजा निकलता नहीं दिखाई दे रहा था, तब टीम ने लड़ाई को जिंदा रखने के लिए राजनैतिक विकल्प की जरूरत बताई। अन्ना पार्टी बनाने के हक में नहीं थे और उन्होंने कहा था कि यह समय आंदोलन को छोड़ने का नहीं है।
अन्ना के करीबी सूत्र के मुताबिक जब टीम अन्ना के अनशन का कोई नतीजा निकलता नहीं दिखाई दे रहा था, तब टीम ने लड़ाई को जिंदा रखने के लिए राजनैतिक विकल्प की जरूरत बताई। अन्ना पार्टी बनाने के हक में नहीं थे और उन्होंने कहा था कि यह समय आंदोलन को छोड़ने का नहीं है। | यहाँ एक सारांश है:अन्ना हजारे भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ने के लिए किसी राजनैतिक दल के गठन के फैसले से सहमत नहीं थे। यह बात अन्ना ने अपनी टीम के सदस्यों के सामने भी रखी थी। | 17 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: बता दें कि अमित शाह की रैली में हुई हिंसा (Kolkata Violance) के एक दिन बाद चुनाव आयोग ने भारत के चुनावी इतिहास में पहली बार आर्टिकल 324 के तहत मिले अधिकार का इस्तेमाल करते हुए पश्चिम बंगाल में चुनाव प्रचार 20 घंटे पहले ही ख़त्म करने का फ़ैसला किया है. यानी गुरुवार रात 10 बजे के बाद पश्चिम बंगाल में चुनाव प्रचार नहीं होगा, जबकि इसे शुक्रवार शाम पांच बजे बंद होना था. ये ध्यान दिया जाना ज़रूरी है कि कल बंगाल में प्रधानमंत्री मोदी की दो रैलियां हैं. माथुरपुर लोकसभा क्षेत्र में शाम पौने पांच बजे और दमदम में शाम साढ़े छह बजे प्रधानमंत्री रैली करेंगे. उप चुनाव आयुक्त चंद्रभूषण कुमार ने बताया कि देश के इतिहास में संभवत: यह पहला मौका है जब आयोग को चुनावी हिंसा के मद्देनजर किसी चुनाव में निर्धारित अवधि से पहले चुनाव प्रचार प्रतिबंधित करना पड़ा हो.
मालूम हो कि लोकसभा चुनाव के सातवें और अंतिम चरण में आठ राज्यों की 59 सीटों पर 19 मई को होने वाले मतदान में पश्चिम बंगाल की 9 सीटें भी शामिल हैं. पूर्व निर्धारित चुनाव कार्यक्रम के अनुसार इस चरण के मतदान से 48 घंटे पहले, 17 मई को शाम पांच बजे से चुनाव प्रचार थम जायेगा, लेकिन पश्चिम बंगाल में कानून व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति का हवाला देते हुए आयोग ने राज्य में निर्धारित अवधि से एक दिन पहले, 16 मई को रात 10 बजे से किसी भी प्रकार का चुनाव प्रचार प्रतिबंधित कर दिया है. यह प्रतिबंध राज्य की सभी नौ सीटों पर 19 मई को शाम 5 बजे मतदान पूरा होने तक जारी रहेगा.
इस बीच चुनाव आयोग ने राज्य में सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी अजय नायक को विशेष पर्यवेक्षक और पुलिस सेवा के सेवानिवृत्त अधिकारी विवेक दुबे को विशेष पुलिस पर्यवेक्षक के रूप में तैनात किया है. इसके अलावा आयोग ने आईपीएस अधिकारी और पश्चिम बंगाल की खुफिया शाखा सीआईडी के अतिरिक्त महानिदेशक राजीव कुमार को सेवा मुक्त कर केंद्रीय गृह मंत्रालय से संबद्ध कर दिया है. उन्हें 16 मई को सुबह दस बजे तक मंत्रालय को रिपोर्ट करने को कहा गया है. साथ ही आयोग ने पश्चिम बंगाल के गृह सचिव अत्रि भट्टाचार्य को भी सेवामुक्त कर उनका प्रभार राज्य के मुख्य सचिव को सौंपने का आदेश दिया है. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: एक दिन पहले प्रचार रोकने पर भड़कीं ममता
'शाह के इशारे पर आयोग ने लगाई रोक'
रोक का फ़ैसला EC का नहीं मोदी का: ममता | 3 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: योग गुरु बाबा रामदेव ने कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि 55 साल तक देश को लूटने वाली पार्टी के एक सज्जन उत्तर प्रदेश को बदलने के लिए पांच साल का वक्त मांग रहे हैं।
रामदेव ने बातचीत में किसी पार्टी का नाम लिए बगैर कहा कि केवल एक दल के भ्रष्टाचार के कारण देश विकास के मामले में पिछड़ गया है। अब चप्पल या थप्पड़ से नहीं बल्कि वोट की चोट से बात बनेगी और इस पार्टी को सबक मिलेगा। उन्होंने कहा कि 2जी मामले में सिर्फ केन्द्रीय गृहमंत्री पी. चिदम्बरम ही नहीं बल्कि पूरी केन्द्र सरकार कठघरे में है। कांग्रेस ने देश को 55 साल तक लूटा है और अब उसी पार्टी के एक सज्जन उत्तर प्रदेश को बदलने के लिए पांच साल मांग रहे हैं।टिप्पणियां
रामदेव ने उत्तराखंड में 75 प्रतिशत से ज्यादा मतदान होने का श्रेय खुद को देते हुए कहा कि उनके प्रचार की वजह से ही वहां इतना मतदान हुआ है और अब वह उत्तर प्रदेश में भी वही अभियान चलाएंगे।
योग गुरु ने किसी दल का नाम लिए बगैर कहा कि मतदाताओं को एक पार्टी को छोड़कर किसी भी दूसरे दल को वोट दे देना चाहिए क्योंकि उस एक दल में ही सारे भ्रष्ट भरे हैं।
रामदेव ने बातचीत में किसी पार्टी का नाम लिए बगैर कहा कि केवल एक दल के भ्रष्टाचार के कारण देश विकास के मामले में पिछड़ गया है। अब चप्पल या थप्पड़ से नहीं बल्कि वोट की चोट से बात बनेगी और इस पार्टी को सबक मिलेगा। उन्होंने कहा कि 2जी मामले में सिर्फ केन्द्रीय गृहमंत्री पी. चिदम्बरम ही नहीं बल्कि पूरी केन्द्र सरकार कठघरे में है। कांग्रेस ने देश को 55 साल तक लूटा है और अब उसी पार्टी के एक सज्जन उत्तर प्रदेश को बदलने के लिए पांच साल मांग रहे हैं।टिप्पणियां
रामदेव ने उत्तराखंड में 75 प्रतिशत से ज्यादा मतदान होने का श्रेय खुद को देते हुए कहा कि उनके प्रचार की वजह से ही वहां इतना मतदान हुआ है और अब वह उत्तर प्रदेश में भी वही अभियान चलाएंगे।
योग गुरु ने किसी दल का नाम लिए बगैर कहा कि मतदाताओं को एक पार्टी को छोड़कर किसी भी दूसरे दल को वोट दे देना चाहिए क्योंकि उस एक दल में ही सारे भ्रष्ट भरे हैं।
रामदेव ने उत्तराखंड में 75 प्रतिशत से ज्यादा मतदान होने का श्रेय खुद को देते हुए कहा कि उनके प्रचार की वजह से ही वहां इतना मतदान हुआ है और अब वह उत्तर प्रदेश में भी वही अभियान चलाएंगे।
योग गुरु ने किसी दल का नाम लिए बगैर कहा कि मतदाताओं को एक पार्टी को छोड़कर किसी भी दूसरे दल को वोट दे देना चाहिए क्योंकि उस एक दल में ही सारे भ्रष्ट भरे हैं।
योग गुरु ने किसी दल का नाम लिए बगैर कहा कि मतदाताओं को एक पार्टी को छोड़कर किसी भी दूसरे दल को वोट दे देना चाहिए क्योंकि उस एक दल में ही सारे भ्रष्ट भरे हैं। | यह एक सारांश है: योग गुरु बाबा रामदेव ने कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि 55 साल तक देश को लूटने वाली पार्टी के एक सज्जन उत्तर प्रदेश को बदलने के लिए पांच साल का वक्त मांग रहे हैं। | 24 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि अगर कोई व्यक्ति मंत्री पद को स्वीकार करता है तो वो सामान्य नागरिक के बोलने की आजादी के अधिकार का उस तरह इस्तेमाल नहीं कर सकता. ना ही वो सरकारी पोलिसी के खिलाफ कोई बयान दे सकता है.
महिलाओं से रेप और अन्य अपराधों के मामले में ओहदे पर बैठे शख्स द्वारा बयानबाजी का मामला संविधान पीठ को भेजा जा सकता है. सुप्रीम कोर्ट ने इस संबंध में संकेत दिया है. सुप्रीम कोर्ट ने एमिकस फली नरीमन और हरीश साल्वे को एक हफ्ते में कानून संबंधी तमाम दस्तावेज देने को कहा. मामले की अगली सुनवाई 2 मई को है.
बुलंदशहर में मां-बेटी के साथ गैंगरेप मामले में सुप्रीम कोर्ट अहम सुनवाई कर रहा है. पिछली सुनवाई में महिलाओं से रेप के मामले में ओहदे पर बैठे शख्स द्वारा बयानबाजी पर सुप्रीम कोर्ट ने बड़े संवैधानिक सवाल उठाए थे कि
देश के संविधान ने महिलाओं को समान अधिकार, अलग पहचान और गरिमापूर्व जीवन जीने के अधिकार दिए हैं.ऐसे में किसी रेप पीड़ित महिला के खिलाफ ओहदे पर बैठे व्यक्ति की बयानबाजी क्या महिला के गरिमापूर्ण जीवन के अधिकार को ठेस नहीं पहुंचाती.क्या रेप जैसे गंभीर अपराध को पब्लिक आफिस में बैठा व्यक्ति राजनीतिक साजिश करार दे सकता है?क्या से पीड़िता महिला के संविधान के दिए फ्री एंड फेयर ट्रायल का हनन नहीं क्योंकि इससे जांच प्रभावित हो सकती है.संविधान द्वारा दिया गया कोई भी मौलिक अधिकार संपूर्ण नहीं क्योंकि ये कानून नियंत्रित है.ऐसे में कोई भी शख्स ये नहीं कह सकता है रेप जैसे मामलों में ऐसी बयानबाजी बोलने के अधिकार के मौलिक अधिकार के दायरे में आता है.यहां मामला सिर्फ किसी की बोलने की आजादी का अधिकार का नहीं बल्कि पीडिता के कानून के समक्ष समान संरक्षण और फ्री एंड फेयर ट्रायल के अधिकार का भी है.अगर आरोपी ये कहता है कि उसे साजिश के तहत फंसाया गया तो बात दूसरी है लेकिन कोई डीजीपी कहता है कि पीड़िता झूठी है तो पुलिस मामले की क्या जांच करेगी?यहां सवाल ये है कि ओहदे पर बैठे व्यक्ति के इस तरह बयानबाजी भले ही कोई अपराध के दायरे में ना हो लेकिन वो संविधान में दिए गए नैतिकता और शिष्टाचार के दायरे में भी आता है.
वहीं, केंद्र सरकार की ओर से इसका विरोध किया गया. AG मुकुल रोहतगी ने कहा इसे लेकर कोई कानून नहीं है. इस तरह कोर्ट मोरल कोड ऑफ कंडक्ट नहीं बना सकता. हालांकि कोई इस तरह की बयानबाजी करता है तो ट्रायल कोर्ट उसपर अवमानना की कारवाई कर सकता है. सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में फली नरीमन के साथ साथ हरीश साल्वे को भी कोर्ट की सहयोग करने को कहा है. सुप्रीम कोर्ट बुलंदशहर गैंगरेप मामले की सुनवाई कर रहा है.
सुप्रीम कोर्ट ने मां-बेटी से गैंगरेप के मामले की जांच कर रही सीबीआई को जल्द जांच पूरी करने को कहा था. वहीं पिछले 15 दिसंबर कोबुलंदशहर गैंगरेप मामले में यूपी के मंत्री आजम खान के पछतावे वाले माफीनामे को सुप्रीम कोर्ट ने स्वीकार कर लिया था. माफीनामे में रिमोर्स यानि पछतावा शब्द का इस्तेमाल किया गया था. इस पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि ये बिना शर्त माफीनामा से भी ऊपर का माफीनामा है. उसके पहले की सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट में दिए गए हलफनामा को सुप्रीम कोर्ट ने बिना शर्त माफीनामा स्वीकार करने से इनकार कर दिया था. टिप्पणियां
कोर्ट ने आजम खान को निर्देश दिया था कि वे नया हलफनामा दायर करें. आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट की फटकार के बाद आजम खान सुप्रीम कोर्ट में अपने बयान को लेकर बिना शर्त माफी मांगने को तैयार हुए थे. इस मामले में एमिकस क्युरी फाली एस नरीमन ने कहा था कि सुप्रीम कोर्ट को उन मंत्रियों के व्यवहार और कर्तव्यों पर एक दिशानिर्देश जारी करना चाहिए जो किसी भी तरह का सार्वजनिक बयान दे देते हैं. यूपी के बुलंदशहर में मां-बेटी से गैंगरेप मामले में पीडिता परिवार द्वारा सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है. इस गैंग रेप के मामले में यूपी के मंत्री आजम खान ने कथित रूप से ये बयान दिया था कि ये एक राजनीतिक साजिश थी.
जब आजम खान को सुप्रीम कोर्ट ने तलब किया था तो आजम खान ने सुप्रीम कोर्ट में कहा था कि उन्होंने यह बयान नहीं दिया था कि गैंगरेप के पीछे राजनीतिक साजिश है.
महिलाओं से रेप और अन्य अपराधों के मामले में ओहदे पर बैठे शख्स द्वारा बयानबाजी का मामला संविधान पीठ को भेजा जा सकता है. सुप्रीम कोर्ट ने इस संबंध में संकेत दिया है. सुप्रीम कोर्ट ने एमिकस फली नरीमन और हरीश साल्वे को एक हफ्ते में कानून संबंधी तमाम दस्तावेज देने को कहा. मामले की अगली सुनवाई 2 मई को है.
बुलंदशहर में मां-बेटी के साथ गैंगरेप मामले में सुप्रीम कोर्ट अहम सुनवाई कर रहा है. पिछली सुनवाई में महिलाओं से रेप के मामले में ओहदे पर बैठे शख्स द्वारा बयानबाजी पर सुप्रीम कोर्ट ने बड़े संवैधानिक सवाल उठाए थे कि
देश के संविधान ने महिलाओं को समान अधिकार, अलग पहचान और गरिमापूर्व जीवन जीने के अधिकार दिए हैं.ऐसे में किसी रेप पीड़ित महिला के खिलाफ ओहदे पर बैठे व्यक्ति की बयानबाजी क्या महिला के गरिमापूर्ण जीवन के अधिकार को ठेस नहीं पहुंचाती.क्या रेप जैसे गंभीर अपराध को पब्लिक आफिस में बैठा व्यक्ति राजनीतिक साजिश करार दे सकता है?क्या से पीड़िता महिला के संविधान के दिए फ्री एंड फेयर ट्रायल का हनन नहीं क्योंकि इससे जांच प्रभावित हो सकती है.संविधान द्वारा दिया गया कोई भी मौलिक अधिकार संपूर्ण नहीं क्योंकि ये कानून नियंत्रित है.ऐसे में कोई भी शख्स ये नहीं कह सकता है रेप जैसे मामलों में ऐसी बयानबाजी बोलने के अधिकार के मौलिक अधिकार के दायरे में आता है.यहां मामला सिर्फ किसी की बोलने की आजादी का अधिकार का नहीं बल्कि पीडिता के कानून के समक्ष समान संरक्षण और फ्री एंड फेयर ट्रायल के अधिकार का भी है.अगर आरोपी ये कहता है कि उसे साजिश के तहत फंसाया गया तो बात दूसरी है लेकिन कोई डीजीपी कहता है कि पीड़िता झूठी है तो पुलिस मामले की क्या जांच करेगी?यहां सवाल ये है कि ओहदे पर बैठे व्यक्ति के इस तरह बयानबाजी भले ही कोई अपराध के दायरे में ना हो लेकिन वो संविधान में दिए गए नैतिकता और शिष्टाचार के दायरे में भी आता है.
वहीं, केंद्र सरकार की ओर से इसका विरोध किया गया. AG मुकुल रोहतगी ने कहा इसे लेकर कोई कानून नहीं है. इस तरह कोर्ट मोरल कोड ऑफ कंडक्ट नहीं बना सकता. हालांकि कोई इस तरह की बयानबाजी करता है तो ट्रायल कोर्ट उसपर अवमानना की कारवाई कर सकता है. सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में फली नरीमन के साथ साथ हरीश साल्वे को भी कोर्ट की सहयोग करने को कहा है. सुप्रीम कोर्ट बुलंदशहर गैंगरेप मामले की सुनवाई कर रहा है.
सुप्रीम कोर्ट ने मां-बेटी से गैंगरेप के मामले की जांच कर रही सीबीआई को जल्द जांच पूरी करने को कहा था. वहीं पिछले 15 दिसंबर कोबुलंदशहर गैंगरेप मामले में यूपी के मंत्री आजम खान के पछतावे वाले माफीनामे को सुप्रीम कोर्ट ने स्वीकार कर लिया था. माफीनामे में रिमोर्स यानि पछतावा शब्द का इस्तेमाल किया गया था. इस पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि ये बिना शर्त माफीनामा से भी ऊपर का माफीनामा है. उसके पहले की सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट में दिए गए हलफनामा को सुप्रीम कोर्ट ने बिना शर्त माफीनामा स्वीकार करने से इनकार कर दिया था. टिप्पणियां
कोर्ट ने आजम खान को निर्देश दिया था कि वे नया हलफनामा दायर करें. आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट की फटकार के बाद आजम खान सुप्रीम कोर्ट में अपने बयान को लेकर बिना शर्त माफी मांगने को तैयार हुए थे. इस मामले में एमिकस क्युरी फाली एस नरीमन ने कहा था कि सुप्रीम कोर्ट को उन मंत्रियों के व्यवहार और कर्तव्यों पर एक दिशानिर्देश जारी करना चाहिए जो किसी भी तरह का सार्वजनिक बयान दे देते हैं. यूपी के बुलंदशहर में मां-बेटी से गैंगरेप मामले में पीडिता परिवार द्वारा सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है. इस गैंग रेप के मामले में यूपी के मंत्री आजम खान ने कथित रूप से ये बयान दिया था कि ये एक राजनीतिक साजिश थी.
जब आजम खान को सुप्रीम कोर्ट ने तलब किया था तो आजम खान ने सुप्रीम कोर्ट में कहा था कि उन्होंने यह बयान नहीं दिया था कि गैंगरेप के पीछे राजनीतिक साजिश है.
बुलंदशहर में मां-बेटी के साथ गैंगरेप मामले में सुप्रीम कोर्ट अहम सुनवाई कर रहा है. पिछली सुनवाई में महिलाओं से रेप के मामले में ओहदे पर बैठे शख्स द्वारा बयानबाजी पर सुप्रीम कोर्ट ने बड़े संवैधानिक सवाल उठाए थे कि
देश के संविधान ने महिलाओं को समान अधिकार, अलग पहचान और गरिमापूर्व जीवन जीने के अधिकार दिए हैं.ऐसे में किसी रेप पीड़ित महिला के खिलाफ ओहदे पर बैठे व्यक्ति की बयानबाजी क्या महिला के गरिमापूर्ण जीवन के अधिकार को ठेस नहीं पहुंचाती.क्या रेप जैसे गंभीर अपराध को पब्लिक आफिस में बैठा व्यक्ति राजनीतिक साजिश करार दे सकता है?क्या से पीड़िता महिला के संविधान के दिए फ्री एंड फेयर ट्रायल का हनन नहीं क्योंकि इससे जांच प्रभावित हो सकती है.संविधान द्वारा दिया गया कोई भी मौलिक अधिकार संपूर्ण नहीं क्योंकि ये कानून नियंत्रित है.ऐसे में कोई भी शख्स ये नहीं कह सकता है रेप जैसे मामलों में ऐसी बयानबाजी बोलने के अधिकार के मौलिक अधिकार के दायरे में आता है.यहां मामला सिर्फ किसी की बोलने की आजादी का अधिकार का नहीं बल्कि पीडिता के कानून के समक्ष समान संरक्षण और फ्री एंड फेयर ट्रायल के अधिकार का भी है.अगर आरोपी ये कहता है कि उसे साजिश के तहत फंसाया गया तो बात दूसरी है लेकिन कोई डीजीपी कहता है कि पीड़िता झूठी है तो पुलिस मामले की क्या जांच करेगी?यहां सवाल ये है कि ओहदे पर बैठे व्यक्ति के इस तरह बयानबाजी भले ही कोई अपराध के दायरे में ना हो लेकिन वो संविधान में दिए गए नैतिकता और शिष्टाचार के दायरे में भी आता है.
वहीं, केंद्र सरकार की ओर से इसका विरोध किया गया. AG मुकुल रोहतगी ने कहा इसे लेकर कोई कानून नहीं है. इस तरह कोर्ट मोरल कोड ऑफ कंडक्ट नहीं बना सकता. हालांकि कोई इस तरह की बयानबाजी करता है तो ट्रायल कोर्ट उसपर अवमानना की कारवाई कर सकता है. सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में फली नरीमन के साथ साथ हरीश साल्वे को भी कोर्ट की सहयोग करने को कहा है. सुप्रीम कोर्ट बुलंदशहर गैंगरेप मामले की सुनवाई कर रहा है.
सुप्रीम कोर्ट ने मां-बेटी से गैंगरेप के मामले की जांच कर रही सीबीआई को जल्द जांच पूरी करने को कहा था. वहीं पिछले 15 दिसंबर कोबुलंदशहर गैंगरेप मामले में यूपी के मंत्री आजम खान के पछतावे वाले माफीनामे को सुप्रीम कोर्ट ने स्वीकार कर लिया था. माफीनामे में रिमोर्स यानि पछतावा शब्द का इस्तेमाल किया गया था. इस पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि ये बिना शर्त माफीनामा से भी ऊपर का माफीनामा है. उसके पहले की सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट में दिए गए हलफनामा को सुप्रीम कोर्ट ने बिना शर्त माफीनामा स्वीकार करने से इनकार कर दिया था. टिप्पणियां
कोर्ट ने आजम खान को निर्देश दिया था कि वे नया हलफनामा दायर करें. आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट की फटकार के बाद आजम खान सुप्रीम कोर्ट में अपने बयान को लेकर बिना शर्त माफी मांगने को तैयार हुए थे. इस मामले में एमिकस क्युरी फाली एस नरीमन ने कहा था कि सुप्रीम कोर्ट को उन मंत्रियों के व्यवहार और कर्तव्यों पर एक दिशानिर्देश जारी करना चाहिए जो किसी भी तरह का सार्वजनिक बयान दे देते हैं. यूपी के बुलंदशहर में मां-बेटी से गैंगरेप मामले में पीडिता परिवार द्वारा सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है. इस गैंग रेप के मामले में यूपी के मंत्री आजम खान ने कथित रूप से ये बयान दिया था कि ये एक राजनीतिक साजिश थी.
जब आजम खान को सुप्रीम कोर्ट ने तलब किया था तो आजम खान ने सुप्रीम कोर्ट में कहा था कि उन्होंने यह बयान नहीं दिया था कि गैंगरेप के पीछे राजनीतिक साजिश है.
सुप्रीम कोर्ट ने मां-बेटी से गैंगरेप के मामले की जांच कर रही सीबीआई को जल्द जांच पूरी करने को कहा था. वहीं पिछले 15 दिसंबर कोबुलंदशहर गैंगरेप मामले में यूपी के मंत्री आजम खान के पछतावे वाले माफीनामे को सुप्रीम कोर्ट ने स्वीकार कर लिया था. माफीनामे में रिमोर्स यानि पछतावा शब्द का इस्तेमाल किया गया था. इस पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि ये बिना शर्त माफीनामा से भी ऊपर का माफीनामा है. उसके पहले की सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट में दिए गए हलफनामा को सुप्रीम कोर्ट ने बिना शर्त माफीनामा स्वीकार करने से इनकार कर दिया था. टिप्पणियां
कोर्ट ने आजम खान को निर्देश दिया था कि वे नया हलफनामा दायर करें. आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट की फटकार के बाद आजम खान सुप्रीम कोर्ट में अपने बयान को लेकर बिना शर्त माफी मांगने को तैयार हुए थे. इस मामले में एमिकस क्युरी फाली एस नरीमन ने कहा था कि सुप्रीम कोर्ट को उन मंत्रियों के व्यवहार और कर्तव्यों पर एक दिशानिर्देश जारी करना चाहिए जो किसी भी तरह का सार्वजनिक बयान दे देते हैं. यूपी के बुलंदशहर में मां-बेटी से गैंगरेप मामले में पीडिता परिवार द्वारा सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है. इस गैंग रेप के मामले में यूपी के मंत्री आजम खान ने कथित रूप से ये बयान दिया था कि ये एक राजनीतिक साजिश थी.
जब आजम खान को सुप्रीम कोर्ट ने तलब किया था तो आजम खान ने सुप्रीम कोर्ट में कहा था कि उन्होंने यह बयान नहीं दिया था कि गैंगरेप के पीछे राजनीतिक साजिश है.
कोर्ट ने आजम खान को निर्देश दिया था कि वे नया हलफनामा दायर करें. आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट की फटकार के बाद आजम खान सुप्रीम कोर्ट में अपने बयान को लेकर बिना शर्त माफी मांगने को तैयार हुए थे. इस मामले में एमिकस क्युरी फाली एस नरीमन ने कहा था कि सुप्रीम कोर्ट को उन मंत्रियों के व्यवहार और कर्तव्यों पर एक दिशानिर्देश जारी करना चाहिए जो किसी भी तरह का सार्वजनिक बयान दे देते हैं. यूपी के बुलंदशहर में मां-बेटी से गैंगरेप मामले में पीडिता परिवार द्वारा सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है. इस गैंग रेप के मामले में यूपी के मंत्री आजम खान ने कथित रूप से ये बयान दिया था कि ये एक राजनीतिक साजिश थी.
जब आजम खान को सुप्रीम कोर्ट ने तलब किया था तो आजम खान ने सुप्रीम कोर्ट में कहा था कि उन्होंने यह बयान नहीं दिया था कि गैंगरेप के पीछे राजनीतिक साजिश है.
जब आजम खान को सुप्रीम कोर्ट ने तलब किया था तो आजम खान ने सुप्रीम कोर्ट में कहा था कि उन्होंने यह बयान नहीं दिया था कि गैंगरेप के पीछे राजनीतिक साजिश है. | यह एक सारांश है: व्यक्ति मंत्री पद को स्वीकारता है तो नागरिक की तरह बोलने की आजादी नहीं
आजादी के अधिकार का उस तरह इस्तेमाल नहीं कर सकता
ना ही वो सरकारी पोलिसी के खिलाफ कोई बयान दे सकता है. | 21 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने 2012 के लिए भारत की आर्थिक वृद्धि दर का अनुमान मामूली रूप से घटाकर 6.9 प्रतिशत कर दिया है। इससे पहले, आईएमएफ ने 2012 के लिए भारत की आर्थिक वृद्धि दर 7 प्रतिशत रहने का अनुमान व्यक्त किया था।
यहां होने वाली आईएमएफ विश्व बैंक की बैठक से पहले जारी विश्व आर्थिक परिदृश्य में आईएमएफ ने कहा कि 2011 में वैश्विक आर्थिक वृद्धि दर घटकर 3.5 प्रतिशत रहने का अनुमान है। इससे पहले यह अनुमान 3.9 प्रतिशत का था।टिप्पणियां
भारत के संबंध में, आईएमएफ ने 2012 के लिए आर्थिक वृद्धि दर का अनुमान घटाकर 6.9 प्रतिशत कर दिया। हालांकि, इसने 2013 कैलेंडर वर्ष के लिए भारत की वृद्धि दर 7.3 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया है।
रिपोर्ट में कहा गया है, ‘‘भारत समेत एशिया के उभरते देशों में घरेलू मांग में मजबूती को देखते हुए निजी निवेश के लिए स्थिति सुधारनी होगी। इसमें बुनियादी ढांचा में सुधार, सरकारी कामकाज को बेहतर बनाना शामिल हैं।’’
यहां होने वाली आईएमएफ विश्व बैंक की बैठक से पहले जारी विश्व आर्थिक परिदृश्य में आईएमएफ ने कहा कि 2011 में वैश्विक आर्थिक वृद्धि दर घटकर 3.5 प्रतिशत रहने का अनुमान है। इससे पहले यह अनुमान 3.9 प्रतिशत का था।टिप्पणियां
भारत के संबंध में, आईएमएफ ने 2012 के लिए आर्थिक वृद्धि दर का अनुमान घटाकर 6.9 प्रतिशत कर दिया। हालांकि, इसने 2013 कैलेंडर वर्ष के लिए भारत की वृद्धि दर 7.3 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया है।
रिपोर्ट में कहा गया है, ‘‘भारत समेत एशिया के उभरते देशों में घरेलू मांग में मजबूती को देखते हुए निजी निवेश के लिए स्थिति सुधारनी होगी। इसमें बुनियादी ढांचा में सुधार, सरकारी कामकाज को बेहतर बनाना शामिल हैं।’’
भारत के संबंध में, आईएमएफ ने 2012 के लिए आर्थिक वृद्धि दर का अनुमान घटाकर 6.9 प्रतिशत कर दिया। हालांकि, इसने 2013 कैलेंडर वर्ष के लिए भारत की वृद्धि दर 7.3 प्रतिशत रहने का अनुमान जताया है।
रिपोर्ट में कहा गया है, ‘‘भारत समेत एशिया के उभरते देशों में घरेलू मांग में मजबूती को देखते हुए निजी निवेश के लिए स्थिति सुधारनी होगी। इसमें बुनियादी ढांचा में सुधार, सरकारी कामकाज को बेहतर बनाना शामिल हैं।’’
रिपोर्ट में कहा गया है, ‘‘भारत समेत एशिया के उभरते देशों में घरेलू मांग में मजबूती को देखते हुए निजी निवेश के लिए स्थिति सुधारनी होगी। इसमें बुनियादी ढांचा में सुधार, सरकारी कामकाज को बेहतर बनाना शामिल हैं।’’ | सारांश: अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष ने 2012 के लिए भारत की आर्थिक वृद्धि दर का अनुमान मामूली रूप से घटाकर 6.9 प्रतिशत कर दिया है। | 7 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: अभिनेत्री कैटरीना कैफ इन दिनों हवाना में कबीर खान की फिल्म 'एक था टाइगर' की शूटिंग कर रही हैं। हॉलीवुड के एक्शन निर्देशक कॉनर्ड पाल्मिसानो उन्हें खतरनाक स्टंट सिखा रहे हैं। फिल्म में कैटरीना के सह-अभिनेता सलमान खान हैं। फिल्म यूनिट के एक सदस्य ने बताया कि स्टंट दृश्यों के दौरान सलमान कैटरीना का पूरा ध्यान रख रहे हैं।
यूनिट के एक सदस्य ने कहा, "ये ऐसे स्टंट हैं जिन्हें देने से पहले कोई हीरो भी दो बार सोचेगा। कैटरीना अच्छा काम कर रही हैं। वह सलमान के साथ अच्छे स्टंट दृश्य दे रही हैं। हमने सुना है कि 'एजेंट विनोद' में करीना कपूर ने और 'क्रिश 2' में कंगना रानाउत ने भी स्टंट दृश्य दिए हैं।" जब कैटरीना से उनके खतरनाक स्टंट दृश्यों के विषय में पूछा गया तो उन्होंने कहा, "हां, यह डरावना था लेकिन बहुत मजेदार था। मैंने अब तक बेहद स्त्रियोचित और नाजुक भूमिकाएं की हैं। मेरे लिए यह एक नई चुनौती थी। मुझे लगता है कि मुझे करियर के इस पड़ाव पर ऐसी ही किसी फिल्म की तलाश थी।"
यूनिट के एक सदस्य ने कहा, "ये ऐसे स्टंट हैं जिन्हें देने से पहले कोई हीरो भी दो बार सोचेगा। कैटरीना अच्छा काम कर रही हैं। वह सलमान के साथ अच्छे स्टंट दृश्य दे रही हैं। हमने सुना है कि 'एजेंट विनोद' में करीना कपूर ने और 'क्रिश 2' में कंगना रानाउत ने भी स्टंट दृश्य दिए हैं।" जब कैटरीना से उनके खतरनाक स्टंट दृश्यों के विषय में पूछा गया तो उन्होंने कहा, "हां, यह डरावना था लेकिन बहुत मजेदार था। मैंने अब तक बेहद स्त्रियोचित और नाजुक भूमिकाएं की हैं। मेरे लिए यह एक नई चुनौती थी। मुझे लगता है कि मुझे करियर के इस पड़ाव पर ऐसी ही किसी फिल्म की तलाश थी।" | सारांश: 'एक था टाइगर' फिल्म की यूनिट के एक सदस्य ने कहा, ये ऐसे स्टंट हैं जिन्हें देने से पहले कोई हीरो भी दो बार सोचेगा। कैटरीना अच्छा काम कर रही हैं। | 31 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को कहा कि भारत तथा चीन एक-दूसरे से सीख और प्रेरणा ले सकते हैं, क्योंकि दोनों देशों के समक्ष आकांक्षाएं, चुनौतियां व अवसर समान हैं. चीन के राष्ट्रीय दिवस पर वहां के देशवासियों को बधाई देते हुए मोदी ने एक संदेश में कहा कि दोनों देशों के बीच संबंध सदियों पुराने हैं और दोनों एक-दूसरे की सभ्यताओं का आदर करते हैं.
मोदी ने कहा कि "जैसा मैंने पहले कहा कि दोनों देशों की आकांक्षाएं, चुनौतियां व अवसर समान हैं और एक-दूसरे की सफलता से दोनों सीख ले सकते हैं." प्रधानमंत्री ने कहा, "ऐसे वक्त में जब दुनिया एशिया की ओर देखती है और चीन व भारत की प्रगति व समृद्धि तथा हमारे घनिष्ठ सहयोग में एशिया को शांतिपूर्ण व स्थिर रखने की क्षमता है." मोदी ने कहा कि इस दृष्टिकोण को उन्होंने चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग तथा प्रधानमंत्री ली केकियांग के साथ साझा किया है.टिप्पणियां
उन्होंने कहा, "हाल के दिनों में हमने अपने संबंधों को प्रगाढ़ किया है, परस्पर विश्वास तथा आत्मविश्वास को गहरा करने तथा दोनों देशों के लोगों के बीच संबंधों को बढ़ावा देने पर जोर दिया है. और इस दिशा में हम अपना प्रयास जारी रखेंगे." (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
मोदी ने कहा कि "जैसा मैंने पहले कहा कि दोनों देशों की आकांक्षाएं, चुनौतियां व अवसर समान हैं और एक-दूसरे की सफलता से दोनों सीख ले सकते हैं." प्रधानमंत्री ने कहा, "ऐसे वक्त में जब दुनिया एशिया की ओर देखती है और चीन व भारत की प्रगति व समृद्धि तथा हमारे घनिष्ठ सहयोग में एशिया को शांतिपूर्ण व स्थिर रखने की क्षमता है." मोदी ने कहा कि इस दृष्टिकोण को उन्होंने चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग तथा प्रधानमंत्री ली केकियांग के साथ साझा किया है.टिप्पणियां
उन्होंने कहा, "हाल के दिनों में हमने अपने संबंधों को प्रगाढ़ किया है, परस्पर विश्वास तथा आत्मविश्वास को गहरा करने तथा दोनों देशों के लोगों के बीच संबंधों को बढ़ावा देने पर जोर दिया है. और इस दिशा में हम अपना प्रयास जारी रखेंगे." (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
उन्होंने कहा, "हाल के दिनों में हमने अपने संबंधों को प्रगाढ़ किया है, परस्पर विश्वास तथा आत्मविश्वास को गहरा करने तथा दोनों देशों के लोगों के बीच संबंधों को बढ़ावा देने पर जोर दिया है. और इस दिशा में हम अपना प्रयास जारी रखेंगे." (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | यह एक सारांश है: मोदी ने चीन के राष्ट्रीय दिवस पर वहां के लोगों को बधाई दी
मोदी ने कहा, दोनों देश एक-दूसरे से सीख सकते हैं
घनिष्ठ सहयोग में एशिया को शांतिपूर्ण व स्थिर रखने की क्षमता | 24 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: आम आदमी पार्टी (आप) ने गोवा विधानसभा चुनाव 2017 के लिए अपना चुनाव घोषणापत्र जारी कर दिया है, जिसमें महिलाओं से संबंधित मुद्दों पर ज़ोर दिया गया है.
'आप' की ओर से मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार एल्विस गोम्स ने घोषणापत्र को जारी किया, जिसमें कहा गया है, "तटों पर महिलाओं के लिए महिला लाइफगार्ड, चेंजिग कक्ष और शौचालयों को सुनिश्चित किया जाएगा..." महिलाओं के लिए गरिमा का ऐलान करते हुए पार्टी ने कहा कि सामुदायिक न्याय केंद्रों की स्थापना की जाएगी, ताकि परामर्श के लिए सुरक्षित, सुलभ और गरिमापूर्ण मंच तथा निःशुल्क कानूनी सहायता उपलब्ध हो पाए.टिप्पणियां
आम आदमी पार्टी ने अपने चुनावी घोषणापत्र में तटीय राज्य में पांच महिला थाने बनाने का वादा भी किया.
पार्टी ने हफ्ते के सातों दिन और 24 घंटे विश्वस्तरीय बस सेवा, निःशुल्क वाई-फाई ज़ोन, निःशुल्क साफ पानी, और बिजली के बिल को 50 फीसदी तक कम करने का आश्वासन दिया है.
'आप' की ओर से मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार एल्विस गोम्स ने घोषणापत्र को जारी किया, जिसमें कहा गया है, "तटों पर महिलाओं के लिए महिला लाइफगार्ड, चेंजिग कक्ष और शौचालयों को सुनिश्चित किया जाएगा..." महिलाओं के लिए गरिमा का ऐलान करते हुए पार्टी ने कहा कि सामुदायिक न्याय केंद्रों की स्थापना की जाएगी, ताकि परामर्श के लिए सुरक्षित, सुलभ और गरिमापूर्ण मंच तथा निःशुल्क कानूनी सहायता उपलब्ध हो पाए.टिप्पणियां
आम आदमी पार्टी ने अपने चुनावी घोषणापत्र में तटीय राज्य में पांच महिला थाने बनाने का वादा भी किया.
पार्टी ने हफ्ते के सातों दिन और 24 घंटे विश्वस्तरीय बस सेवा, निःशुल्क वाई-फाई ज़ोन, निःशुल्क साफ पानी, और बिजली के बिल को 50 फीसदी तक कम करने का आश्वासन दिया है.
आम आदमी पार्टी ने अपने चुनावी घोषणापत्र में तटीय राज्य में पांच महिला थाने बनाने का वादा भी किया.
पार्टी ने हफ्ते के सातों दिन और 24 घंटे विश्वस्तरीय बस सेवा, निःशुल्क वाई-फाई ज़ोन, निःशुल्क साफ पानी, और बिजली के बिल को 50 फीसदी तक कम करने का आश्वासन दिया है.
पार्टी ने हफ्ते के सातों दिन और 24 घंटे विश्वस्तरीय बस सेवा, निःशुल्क वाई-फाई ज़ोन, निःशुल्क साफ पानी, और बिजली के बिल को 50 फीसदी तक कम करने का आश्वासन दिया है. | सारांश: 'आप' के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार एल्विस गोम्स ने घोषणापत्र जारी किया
आम आदमी पार्टी ने कहा है कि सामुदायिक न्याय केंद्रों की स्थापना की जाएगी
चुनावी घोषणापत्र में गोवा में पांच महिला थाने बनाने का वादा भी किया गया | 33 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: अपने विकलांग पोते को परिवार के लिए अशुभ मानते हुए दादी ने उसे कथित तौर पर नदी में फेंक दिया। इस बात का खुलासा तब हुआ जब कई दिनों तक बच्चा और दादी घर से गायब रहे। पुलिस ने जब दादी को गिरफ्तार कर इस बाबत सख्ती से पूछताछ की, तो उसने स्वीकार किया कि अपने दूसरे बेटे के साथ मिलकर उसने बच्चे को नदी में फेंक दिया। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि नर्वल गांव में पांडु नदी के किनारे बसे गांव सिमरूआ के रहने वाले रमेश के सबसे छोटे विकलांग बेटे अनिल (डेढ़ साल) को रमेश की मौत के लिए जिम्मेदार मानकर अनिल की दादी बसंती ने उसे अशुभ ठहरा दिया। पुलिस के अनुसार रमेश की मौत के बाद उसकी मां बसंती ने बहू माया को इतना प्रताड़ित किया कि वह मायके चली गई। मायके में माया को पता चला कि उसका छोटा बेटा अनिल और सास बसंती 19 जून से घर से गायब हैं, तो वह कुछ रिश्तेदारों को साथ लेकर पुलिस स्टेशन गई और पुलिस को इस बाबत जानकारी दी। पुलिस ने गुरुवार शाम बसंती से अनिल के बाबत कड़ाई से पूछताछ की, तो उसने बताया कि अनिल को मनहूस मानते हुए उसने अपने बेटे की मदद से उसे पांडू नदी में फेंक दिया। पुलिस ने सास बसंती को गिरफ्तार कर लिया है तथा उसके बेटे छोटे की तलाश कर रही है। | यह एक सारांश है: अपने विकलांग पोते को परिवार के लिए अशुभ मानते हुए दादी ने उसे कथित तौर पर नदी में फेंक दिया। पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है। | 24 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: राजधानी में इस साल डेंगू से ज्यादा मामले चिकनगुनिया के आ रहे हैं. पिछले साल जहां चिकनगुनिया 64 लोगों को पूरे साल में हुआ था, वहीं इस साल अगस्त के मध्य तक यह आंकड़ा 528 पर पहुंच गया है. डेंगू के अब तक 311 मामले ही रिपोर्ट हुए हैं.टिप्पणियां
चिकनगुनिया के मामले वर्ष 2014 में महज 8 थे और 2013 में 18 थे. इस साल एम्स में 188, अपोलो में 130, सफदरजंग में 46, आरएमएल अस्पताल में 44, नगर निगम के अस्पतालों में 20 और मैक्स और दिल्ली सरकार के अस्पतालों मे अब तक 50-50 मामले सामने आ चुके हैं.
एम्स के माइक्रोबायोलॉजी विभाग के प्रोफेसर डॉ ललित दर बताते हैं कि डरने की जरूरत नहीं. बस सावधानी में ही इलाज है. डेंगू में प्लेटलेट गिरता है और जानलेवा है, लेकिन चिकनगुनिया जान नहीं लेता.
चिकनगुनिया के मामले वर्ष 2014 में महज 8 थे और 2013 में 18 थे. इस साल एम्स में 188, अपोलो में 130, सफदरजंग में 46, आरएमएल अस्पताल में 44, नगर निगम के अस्पतालों में 20 और मैक्स और दिल्ली सरकार के अस्पतालों मे अब तक 50-50 मामले सामने आ चुके हैं.
एम्स के माइक्रोबायोलॉजी विभाग के प्रोफेसर डॉ ललित दर बताते हैं कि डरने की जरूरत नहीं. बस सावधानी में ही इलाज है. डेंगू में प्लेटलेट गिरता है और जानलेवा है, लेकिन चिकनगुनिया जान नहीं लेता.
एम्स के माइक्रोबायोलॉजी विभाग के प्रोफेसर डॉ ललित दर बताते हैं कि डरने की जरूरत नहीं. बस सावधानी में ही इलाज है. डेंगू में प्लेटलेट गिरता है और जानलेवा है, लेकिन चिकनगुनिया जान नहीं लेता. | सारांश: डेंगू के इस साल अब तक 311 मामले रिपोर्ट हुए
चिकनगुनिया से बचने के लिए सावधानी जरूरी
पिछले पूरे वर्ष के मुकाबले इस साल अब तक नौ गुने अधिक मरीज | 7 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा उजागर किए गए राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए) भर्ती घोटाले के सम्बंध में रविवार को एक सैन्य अधिकारी सहित छह नागरिकों को गिरफ्तार किया गया है। यह जानकारी एक अधिकारी ने दी।
सीबीआई ने पिछले सप्ताह खड़कवासला स्थित एनडीए सहित मुम्बई, सोनीपत और गुड़गांव के कुल 17 स्थानों पर और साथ ही पुणे में 14 स्थानों पर छापे मारे थे। छापों के दौरान कुल 1.76 करोड़ रुपये जब्त हुए थे।
गिरफ्तार लोगों में कर्नल कुलबीर सिंह, नगारिक कर्मचारी रमेश गायकवाड़ और कैंटीन प्रबंधक बालकिशन कनौजिया शामिल है।
एनडीए की ओर से कहा गया है कि उसे भर्ती में किसी भी प्रकार की अनियमितता की शिकायत नहीं मिली है लेकिन वह घटनाक्रमों की जांच कर रही है।
सभी आरोपियों को रविवार दोपहर एक अदालत में पेश किया गया। अदालत ने सभी को दो जुलाई तक सीबीआई हिरासत में सौंप दिया। टिप्पणियां
वे सभी मई-जून में हुई माली, रसोइए, क्लर्क, कैडेट अर्दली और प्रयोगशाला व पुस्तकालय सहायकों की हुई नियुक्तियों में घोटाले के आरोपी हैं।
इन सभी पर नौकरियों के अभ्यर्थियों से 300,000 रुपये से 400,000 रुपये लेने के आरोप हैं।
सीबीआई ने पिछले सप्ताह खड़कवासला स्थित एनडीए सहित मुम्बई, सोनीपत और गुड़गांव के कुल 17 स्थानों पर और साथ ही पुणे में 14 स्थानों पर छापे मारे थे। छापों के दौरान कुल 1.76 करोड़ रुपये जब्त हुए थे।
गिरफ्तार लोगों में कर्नल कुलबीर सिंह, नगारिक कर्मचारी रमेश गायकवाड़ और कैंटीन प्रबंधक बालकिशन कनौजिया शामिल है।
एनडीए की ओर से कहा गया है कि उसे भर्ती में किसी भी प्रकार की अनियमितता की शिकायत नहीं मिली है लेकिन वह घटनाक्रमों की जांच कर रही है।
सभी आरोपियों को रविवार दोपहर एक अदालत में पेश किया गया। अदालत ने सभी को दो जुलाई तक सीबीआई हिरासत में सौंप दिया। टिप्पणियां
वे सभी मई-जून में हुई माली, रसोइए, क्लर्क, कैडेट अर्दली और प्रयोगशाला व पुस्तकालय सहायकों की हुई नियुक्तियों में घोटाले के आरोपी हैं।
इन सभी पर नौकरियों के अभ्यर्थियों से 300,000 रुपये से 400,000 रुपये लेने के आरोप हैं।
गिरफ्तार लोगों में कर्नल कुलबीर सिंह, नगारिक कर्मचारी रमेश गायकवाड़ और कैंटीन प्रबंधक बालकिशन कनौजिया शामिल है।
एनडीए की ओर से कहा गया है कि उसे भर्ती में किसी भी प्रकार की अनियमितता की शिकायत नहीं मिली है लेकिन वह घटनाक्रमों की जांच कर रही है।
सभी आरोपियों को रविवार दोपहर एक अदालत में पेश किया गया। अदालत ने सभी को दो जुलाई तक सीबीआई हिरासत में सौंप दिया। टिप्पणियां
वे सभी मई-जून में हुई माली, रसोइए, क्लर्क, कैडेट अर्दली और प्रयोगशाला व पुस्तकालय सहायकों की हुई नियुक्तियों में घोटाले के आरोपी हैं।
इन सभी पर नौकरियों के अभ्यर्थियों से 300,000 रुपये से 400,000 रुपये लेने के आरोप हैं।
एनडीए की ओर से कहा गया है कि उसे भर्ती में किसी भी प्रकार की अनियमितता की शिकायत नहीं मिली है लेकिन वह घटनाक्रमों की जांच कर रही है।
सभी आरोपियों को रविवार दोपहर एक अदालत में पेश किया गया। अदालत ने सभी को दो जुलाई तक सीबीआई हिरासत में सौंप दिया। टिप्पणियां
वे सभी मई-जून में हुई माली, रसोइए, क्लर्क, कैडेट अर्दली और प्रयोगशाला व पुस्तकालय सहायकों की हुई नियुक्तियों में घोटाले के आरोपी हैं।
इन सभी पर नौकरियों के अभ्यर्थियों से 300,000 रुपये से 400,000 रुपये लेने के आरोप हैं।
सभी आरोपियों को रविवार दोपहर एक अदालत में पेश किया गया। अदालत ने सभी को दो जुलाई तक सीबीआई हिरासत में सौंप दिया। टिप्पणियां
वे सभी मई-जून में हुई माली, रसोइए, क्लर्क, कैडेट अर्दली और प्रयोगशाला व पुस्तकालय सहायकों की हुई नियुक्तियों में घोटाले के आरोपी हैं।
इन सभी पर नौकरियों के अभ्यर्थियों से 300,000 रुपये से 400,000 रुपये लेने के आरोप हैं।
वे सभी मई-जून में हुई माली, रसोइए, क्लर्क, कैडेट अर्दली और प्रयोगशाला व पुस्तकालय सहायकों की हुई नियुक्तियों में घोटाले के आरोपी हैं।
इन सभी पर नौकरियों के अभ्यर्थियों से 300,000 रुपये से 400,000 रुपये लेने के आरोप हैं।
इन सभी पर नौकरियों के अभ्यर्थियों से 300,000 रुपये से 400,000 रुपये लेने के आरोप हैं। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा उजागर किए गए राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए) भर्ती घोटाले के सम्बंध में रविवार को एक सैन्य अधिकारी सहित छह नागरिकों को गिरफ्तार किया गया है। यह जानकारी एक अधिकारी ने दी। | 3 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: दूरसंचार नियामक ट्राई ने इंटरनेट सेवाओं के मोबाइल रिचार्ज वाउचरों की वैधता अवधि को 90 दिन से बढाकर 365 दिन करने का प्रस्ताव किया है, ताकि छोटे ग्राहकों द्वारा इनका इस्तेमाल बढ़ाया जा सके। भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकार (ट्राई) ने एक बयान में यह जानकारी दी है।टिप्पणियां
ट्राई ने कहा है, 'मुद्दे के विभिन्न पहलुओं का अध्ययन करने के बाद प्राधिकार का मानना है कि मौजूदा 90 दिन के बजाय 365 दिन की वैधता छोटे, पहली बार इस्तेमाल करने वाले व कीमतों पर जोर देने वाले ग्राहकों के लिए फायदेमंद होगी।' इस बारे में 26 जुलाई तक आम लोगों से राय मांगी गई है। (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
ट्राई ने कहा है, 'मुद्दे के विभिन्न पहलुओं का अध्ययन करने के बाद प्राधिकार का मानना है कि मौजूदा 90 दिन के बजाय 365 दिन की वैधता छोटे, पहली बार इस्तेमाल करने वाले व कीमतों पर जोर देने वाले ग्राहकों के लिए फायदेमंद होगी।' इस बारे में 26 जुलाई तक आम लोगों से राय मांगी गई है। (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: छोटे ग्राहकों द्वारा इनका इस्तेमाल बढ़ाने के लिए दिया गया यह प्रस्ताव
भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकार (ट्राई) ने यह जानकारी दी
इस बारे में 26 जुलाई तक आम लोगों से राय मांगी गई है | 19 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: असम हिंसा के बाद मुम्बई में फैली उसकी आग और उसके बाद पूर्वोत्तर के लोगों में भय का माहौल पैदा करने के लिए सीमापार से रची गई साजिश पर भारत ने पाकिस्तान से दो टूक बात कही है। भारत ने पाक से उन तत्वों पर नकेल कसने को कहा है, जिन्होंने सोशल मीडिया और एसएमएस के सहारे हजारों की संख्या में पूर्वोत्तर के लोगों को अपने घरों को लौटने को मजबूर किया।
पूर्वोत्तर के बाशिंदों को धमकी मिलने और उन पर हमले की अफवाह के पीछे पाकिस्तानी तत्वों का हाथ होने की बात कहने के बाद भारत ने रविवार को पाकिस्तान के समक्ष यह मुद्दा उठाया। भारत ने पाकिस्तान से ऐसे तत्वों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की।
केंद्रीय गृह मंत्री सुशील कुमार शिंदे और पाकिस्तान के आंतरिक मामलों के मंत्री रहमान मलिक के बीच रविवार को बातचीत हुई जिसमें यह मुद्दा उठाया गया।
केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से जारी एक बयान में रविवार को कहा गया, "रहमान मलिक ने फोन कर शिंदे से बात की। इस दौरान शिंदे ने यह मामला उठाया।"
बयान के मुताबिक शिंदे ने रहमान से कहा कि ऐसे तत्व सोशल नेटवर्किंग साइट्स का सहारा लेकर देश में साम्प्रदायिक तनाव फैलाने की कोशिश कर रहे हैं और उन पर लगाम कसने के लिए पाकिस्तान से सहयोग अपेक्षित है।
इससे पहले पाकिस्तान ने भारत के उस आरोप को खारिज कर दिया जिसमें शनिवार को कहा गया था कि असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों की तस्वीरें तोड़मरोड़कर सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये पाकिस्तान से फैलाई गई, जिसके बाद देशभर में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों में भय समा गया और वे अपने घरों को लौटने लगे।
पाकिस्तान उच्चायोग के सूत्रों ने बताया कि ऐसे बयानों से दोनों देशों के बीच विश्वास की खाई और चौड़ी होगी।
ज्ञात हो कि केंद्रीय गृह सचिव आरके सिंह ने शनिवार को कहा था, "चक्रवाती तूफान और अन्य हादसों में बोडोलैंड और म्यांमार में मारे गए लोगों की तस्वीरों को तोड़-मरोड़ कर और इसे असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों के रूप में सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये फैलाई गई। इसके केंद्र में पाकिस्तान था।"
सिंह ने कहा, "ऐसे 76 वेबसाइट की पहचान की गई जिस पर विकृत तस्वीरें लगाई थी और इनमें से ज्यादातर तस्वीरें पाकिस्तान में अपलोड की गई थीं।"
सिंह ने कहा कि इन सभी वेबसाइट को बंद कर दिया गया है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इसी तरह की 34 अन्य वेबसाइट की पहचान की गई है जिनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
पाकिस्तानी सूत्रों ने कहा कि ये मनगढ़ंत आरोप हैं। "एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने और दोष मढ़ने से बेहतर है भारत अपने आंतरिक मुद्दों से निपटे।"
बहरहाल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने असम में जातीय हिंसा पर गहरा दुख जताया। साथ ही उन्होंने फैली अफवाहों के मद्देनजर जिस परिस्थिति में पूर्वोत्तर के बाशिंदों को देश के अलग-अलग हिस्सों से पलायन करना पड़ा, उसकी निंदा की।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
पूर्वोत्तर के बाशिंदों को धमकी मिलने और उन पर हमले की अफवाह के पीछे पाकिस्तानी तत्वों का हाथ होने की बात कहने के बाद भारत ने रविवार को पाकिस्तान के समक्ष यह मुद्दा उठाया। भारत ने पाकिस्तान से ऐसे तत्वों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की।
केंद्रीय गृह मंत्री सुशील कुमार शिंदे और पाकिस्तान के आंतरिक मामलों के मंत्री रहमान मलिक के बीच रविवार को बातचीत हुई जिसमें यह मुद्दा उठाया गया।
केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से जारी एक बयान में रविवार को कहा गया, "रहमान मलिक ने फोन कर शिंदे से बात की। इस दौरान शिंदे ने यह मामला उठाया।"
बयान के मुताबिक शिंदे ने रहमान से कहा कि ऐसे तत्व सोशल नेटवर्किंग साइट्स का सहारा लेकर देश में साम्प्रदायिक तनाव फैलाने की कोशिश कर रहे हैं और उन पर लगाम कसने के लिए पाकिस्तान से सहयोग अपेक्षित है।
इससे पहले पाकिस्तान ने भारत के उस आरोप को खारिज कर दिया जिसमें शनिवार को कहा गया था कि असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों की तस्वीरें तोड़मरोड़कर सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये पाकिस्तान से फैलाई गई, जिसके बाद देशभर में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों में भय समा गया और वे अपने घरों को लौटने लगे।
पाकिस्तान उच्चायोग के सूत्रों ने बताया कि ऐसे बयानों से दोनों देशों के बीच विश्वास की खाई और चौड़ी होगी।
ज्ञात हो कि केंद्रीय गृह सचिव आरके सिंह ने शनिवार को कहा था, "चक्रवाती तूफान और अन्य हादसों में बोडोलैंड और म्यांमार में मारे गए लोगों की तस्वीरों को तोड़-मरोड़ कर और इसे असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों के रूप में सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये फैलाई गई। इसके केंद्र में पाकिस्तान था।"
सिंह ने कहा, "ऐसे 76 वेबसाइट की पहचान की गई जिस पर विकृत तस्वीरें लगाई थी और इनमें से ज्यादातर तस्वीरें पाकिस्तान में अपलोड की गई थीं।"
सिंह ने कहा कि इन सभी वेबसाइट को बंद कर दिया गया है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इसी तरह की 34 अन्य वेबसाइट की पहचान की गई है जिनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
पाकिस्तानी सूत्रों ने कहा कि ये मनगढ़ंत आरोप हैं। "एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने और दोष मढ़ने से बेहतर है भारत अपने आंतरिक मुद्दों से निपटे।"
बहरहाल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने असम में जातीय हिंसा पर गहरा दुख जताया। साथ ही उन्होंने फैली अफवाहों के मद्देनजर जिस परिस्थिति में पूर्वोत्तर के बाशिंदों को देश के अलग-अलग हिस्सों से पलायन करना पड़ा, उसकी निंदा की।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
केंद्रीय गृह मंत्री सुशील कुमार शिंदे और पाकिस्तान के आंतरिक मामलों के मंत्री रहमान मलिक के बीच रविवार को बातचीत हुई जिसमें यह मुद्दा उठाया गया।
केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से जारी एक बयान में रविवार को कहा गया, "रहमान मलिक ने फोन कर शिंदे से बात की। इस दौरान शिंदे ने यह मामला उठाया।"
बयान के मुताबिक शिंदे ने रहमान से कहा कि ऐसे तत्व सोशल नेटवर्किंग साइट्स का सहारा लेकर देश में साम्प्रदायिक तनाव फैलाने की कोशिश कर रहे हैं और उन पर लगाम कसने के लिए पाकिस्तान से सहयोग अपेक्षित है।
इससे पहले पाकिस्तान ने भारत के उस आरोप को खारिज कर दिया जिसमें शनिवार को कहा गया था कि असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों की तस्वीरें तोड़मरोड़कर सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये पाकिस्तान से फैलाई गई, जिसके बाद देशभर में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों में भय समा गया और वे अपने घरों को लौटने लगे।
पाकिस्तान उच्चायोग के सूत्रों ने बताया कि ऐसे बयानों से दोनों देशों के बीच विश्वास की खाई और चौड़ी होगी।
ज्ञात हो कि केंद्रीय गृह सचिव आरके सिंह ने शनिवार को कहा था, "चक्रवाती तूफान और अन्य हादसों में बोडोलैंड और म्यांमार में मारे गए लोगों की तस्वीरों को तोड़-मरोड़ कर और इसे असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों के रूप में सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये फैलाई गई। इसके केंद्र में पाकिस्तान था।"
सिंह ने कहा, "ऐसे 76 वेबसाइट की पहचान की गई जिस पर विकृत तस्वीरें लगाई थी और इनमें से ज्यादातर तस्वीरें पाकिस्तान में अपलोड की गई थीं।"
सिंह ने कहा कि इन सभी वेबसाइट को बंद कर दिया गया है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इसी तरह की 34 अन्य वेबसाइट की पहचान की गई है जिनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
पाकिस्तानी सूत्रों ने कहा कि ये मनगढ़ंत आरोप हैं। "एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने और दोष मढ़ने से बेहतर है भारत अपने आंतरिक मुद्दों से निपटे।"
बहरहाल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने असम में जातीय हिंसा पर गहरा दुख जताया। साथ ही उन्होंने फैली अफवाहों के मद्देनजर जिस परिस्थिति में पूर्वोत्तर के बाशिंदों को देश के अलग-अलग हिस्सों से पलायन करना पड़ा, उसकी निंदा की।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से जारी एक बयान में रविवार को कहा गया, "रहमान मलिक ने फोन कर शिंदे से बात की। इस दौरान शिंदे ने यह मामला उठाया।"
बयान के मुताबिक शिंदे ने रहमान से कहा कि ऐसे तत्व सोशल नेटवर्किंग साइट्स का सहारा लेकर देश में साम्प्रदायिक तनाव फैलाने की कोशिश कर रहे हैं और उन पर लगाम कसने के लिए पाकिस्तान से सहयोग अपेक्षित है।
इससे पहले पाकिस्तान ने भारत के उस आरोप को खारिज कर दिया जिसमें शनिवार को कहा गया था कि असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों की तस्वीरें तोड़मरोड़कर सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये पाकिस्तान से फैलाई गई, जिसके बाद देशभर में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों में भय समा गया और वे अपने घरों को लौटने लगे।
पाकिस्तान उच्चायोग के सूत्रों ने बताया कि ऐसे बयानों से दोनों देशों के बीच विश्वास की खाई और चौड़ी होगी।
ज्ञात हो कि केंद्रीय गृह सचिव आरके सिंह ने शनिवार को कहा था, "चक्रवाती तूफान और अन्य हादसों में बोडोलैंड और म्यांमार में मारे गए लोगों की तस्वीरों को तोड़-मरोड़ कर और इसे असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों के रूप में सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये फैलाई गई। इसके केंद्र में पाकिस्तान था।"
सिंह ने कहा, "ऐसे 76 वेबसाइट की पहचान की गई जिस पर विकृत तस्वीरें लगाई थी और इनमें से ज्यादातर तस्वीरें पाकिस्तान में अपलोड की गई थीं।"
सिंह ने कहा कि इन सभी वेबसाइट को बंद कर दिया गया है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इसी तरह की 34 अन्य वेबसाइट की पहचान की गई है जिनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
पाकिस्तानी सूत्रों ने कहा कि ये मनगढ़ंत आरोप हैं। "एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने और दोष मढ़ने से बेहतर है भारत अपने आंतरिक मुद्दों से निपटे।"
बहरहाल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने असम में जातीय हिंसा पर गहरा दुख जताया। साथ ही उन्होंने फैली अफवाहों के मद्देनजर जिस परिस्थिति में पूर्वोत्तर के बाशिंदों को देश के अलग-अलग हिस्सों से पलायन करना पड़ा, उसकी निंदा की।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
बयान के मुताबिक शिंदे ने रहमान से कहा कि ऐसे तत्व सोशल नेटवर्किंग साइट्स का सहारा लेकर देश में साम्प्रदायिक तनाव फैलाने की कोशिश कर रहे हैं और उन पर लगाम कसने के लिए पाकिस्तान से सहयोग अपेक्षित है।
इससे पहले पाकिस्तान ने भारत के उस आरोप को खारिज कर दिया जिसमें शनिवार को कहा गया था कि असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों की तस्वीरें तोड़मरोड़कर सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये पाकिस्तान से फैलाई गई, जिसके बाद देशभर में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों में भय समा गया और वे अपने घरों को लौटने लगे।
पाकिस्तान उच्चायोग के सूत्रों ने बताया कि ऐसे बयानों से दोनों देशों के बीच विश्वास की खाई और चौड़ी होगी।
ज्ञात हो कि केंद्रीय गृह सचिव आरके सिंह ने शनिवार को कहा था, "चक्रवाती तूफान और अन्य हादसों में बोडोलैंड और म्यांमार में मारे गए लोगों की तस्वीरों को तोड़-मरोड़ कर और इसे असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों के रूप में सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये फैलाई गई। इसके केंद्र में पाकिस्तान था।"
सिंह ने कहा, "ऐसे 76 वेबसाइट की पहचान की गई जिस पर विकृत तस्वीरें लगाई थी और इनमें से ज्यादातर तस्वीरें पाकिस्तान में अपलोड की गई थीं।"
सिंह ने कहा कि इन सभी वेबसाइट को बंद कर दिया गया है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इसी तरह की 34 अन्य वेबसाइट की पहचान की गई है जिनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
पाकिस्तानी सूत्रों ने कहा कि ये मनगढ़ंत आरोप हैं। "एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने और दोष मढ़ने से बेहतर है भारत अपने आंतरिक मुद्दों से निपटे।"
बहरहाल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने असम में जातीय हिंसा पर गहरा दुख जताया। साथ ही उन्होंने फैली अफवाहों के मद्देनजर जिस परिस्थिति में पूर्वोत्तर के बाशिंदों को देश के अलग-अलग हिस्सों से पलायन करना पड़ा, उसकी निंदा की।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
इससे पहले पाकिस्तान ने भारत के उस आरोप को खारिज कर दिया जिसमें शनिवार को कहा गया था कि असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों की तस्वीरें तोड़मरोड़कर सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये पाकिस्तान से फैलाई गई, जिसके बाद देशभर में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों में भय समा गया और वे अपने घरों को लौटने लगे।
पाकिस्तान उच्चायोग के सूत्रों ने बताया कि ऐसे बयानों से दोनों देशों के बीच विश्वास की खाई और चौड़ी होगी।
ज्ञात हो कि केंद्रीय गृह सचिव आरके सिंह ने शनिवार को कहा था, "चक्रवाती तूफान और अन्य हादसों में बोडोलैंड और म्यांमार में मारे गए लोगों की तस्वीरों को तोड़-मरोड़ कर और इसे असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों के रूप में सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये फैलाई गई। इसके केंद्र में पाकिस्तान था।"
सिंह ने कहा, "ऐसे 76 वेबसाइट की पहचान की गई जिस पर विकृत तस्वीरें लगाई थी और इनमें से ज्यादातर तस्वीरें पाकिस्तान में अपलोड की गई थीं।"
सिंह ने कहा कि इन सभी वेबसाइट को बंद कर दिया गया है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इसी तरह की 34 अन्य वेबसाइट की पहचान की गई है जिनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
पाकिस्तानी सूत्रों ने कहा कि ये मनगढ़ंत आरोप हैं। "एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने और दोष मढ़ने से बेहतर है भारत अपने आंतरिक मुद्दों से निपटे।"
बहरहाल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने असम में जातीय हिंसा पर गहरा दुख जताया। साथ ही उन्होंने फैली अफवाहों के मद्देनजर जिस परिस्थिति में पूर्वोत्तर के बाशिंदों को देश के अलग-अलग हिस्सों से पलायन करना पड़ा, उसकी निंदा की।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
पाकिस्तान उच्चायोग के सूत्रों ने बताया कि ऐसे बयानों से दोनों देशों के बीच विश्वास की खाई और चौड़ी होगी।
ज्ञात हो कि केंद्रीय गृह सचिव आरके सिंह ने शनिवार को कहा था, "चक्रवाती तूफान और अन्य हादसों में बोडोलैंड और म्यांमार में मारे गए लोगों की तस्वीरों को तोड़-मरोड़ कर और इसे असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों के रूप में सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये फैलाई गई। इसके केंद्र में पाकिस्तान था।"
सिंह ने कहा, "ऐसे 76 वेबसाइट की पहचान की गई जिस पर विकृत तस्वीरें लगाई थी और इनमें से ज्यादातर तस्वीरें पाकिस्तान में अपलोड की गई थीं।"
सिंह ने कहा कि इन सभी वेबसाइट को बंद कर दिया गया है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इसी तरह की 34 अन्य वेबसाइट की पहचान की गई है जिनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
पाकिस्तानी सूत्रों ने कहा कि ये मनगढ़ंत आरोप हैं। "एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने और दोष मढ़ने से बेहतर है भारत अपने आंतरिक मुद्दों से निपटे।"
बहरहाल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने असम में जातीय हिंसा पर गहरा दुख जताया। साथ ही उन्होंने फैली अफवाहों के मद्देनजर जिस परिस्थिति में पूर्वोत्तर के बाशिंदों को देश के अलग-अलग हिस्सों से पलायन करना पड़ा, उसकी निंदा की।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
ज्ञात हो कि केंद्रीय गृह सचिव आरके सिंह ने शनिवार को कहा था, "चक्रवाती तूफान और अन्य हादसों में बोडोलैंड और म्यांमार में मारे गए लोगों की तस्वीरों को तोड़-मरोड़ कर और इसे असम हिंसा और म्यांमार हिंसा में मारे गए लोगों के रूप में सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट के जरिये फैलाई गई। इसके केंद्र में पाकिस्तान था।"
सिंह ने कहा, "ऐसे 76 वेबसाइट की पहचान की गई जिस पर विकृत तस्वीरें लगाई थी और इनमें से ज्यादातर तस्वीरें पाकिस्तान में अपलोड की गई थीं।"
सिंह ने कहा कि इन सभी वेबसाइट को बंद कर दिया गया है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इसी तरह की 34 अन्य वेबसाइट की पहचान की गई है जिनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
पाकिस्तानी सूत्रों ने कहा कि ये मनगढ़ंत आरोप हैं। "एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने और दोष मढ़ने से बेहतर है भारत अपने आंतरिक मुद्दों से निपटे।"
बहरहाल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने असम में जातीय हिंसा पर गहरा दुख जताया। साथ ही उन्होंने फैली अफवाहों के मद्देनजर जिस परिस्थिति में पूर्वोत्तर के बाशिंदों को देश के अलग-अलग हिस्सों से पलायन करना पड़ा, उसकी निंदा की।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
सिंह ने कहा, "ऐसे 76 वेबसाइट की पहचान की गई जिस पर विकृत तस्वीरें लगाई थी और इनमें से ज्यादातर तस्वीरें पाकिस्तान में अपलोड की गई थीं।"
सिंह ने कहा कि इन सभी वेबसाइट को बंद कर दिया गया है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इसी तरह की 34 अन्य वेबसाइट की पहचान की गई है जिनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
पाकिस्तानी सूत्रों ने कहा कि ये मनगढ़ंत आरोप हैं। "एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने और दोष मढ़ने से बेहतर है भारत अपने आंतरिक मुद्दों से निपटे।"
बहरहाल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने असम में जातीय हिंसा पर गहरा दुख जताया। साथ ही उन्होंने फैली अफवाहों के मद्देनजर जिस परिस्थिति में पूर्वोत्तर के बाशिंदों को देश के अलग-अलग हिस्सों से पलायन करना पड़ा, उसकी निंदा की।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
सिंह ने कहा कि इन सभी वेबसाइट को बंद कर दिया गया है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इसी तरह की 34 अन्य वेबसाइट की पहचान की गई है जिनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
पाकिस्तानी सूत्रों ने कहा कि ये मनगढ़ंत आरोप हैं। "एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने और दोष मढ़ने से बेहतर है भारत अपने आंतरिक मुद्दों से निपटे।"
बहरहाल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने असम में जातीय हिंसा पर गहरा दुख जताया। साथ ही उन्होंने फैली अफवाहों के मद्देनजर जिस परिस्थिति में पूर्वोत्तर के बाशिंदों को देश के अलग-अलग हिस्सों से पलायन करना पड़ा, उसकी निंदा की।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
पाकिस्तानी सूत्रों ने कहा कि ये मनगढ़ंत आरोप हैं। "एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने और दोष मढ़ने से बेहतर है भारत अपने आंतरिक मुद्दों से निपटे।"
बहरहाल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने असम में जातीय हिंसा पर गहरा दुख जताया। साथ ही उन्होंने फैली अफवाहों के मद्देनजर जिस परिस्थिति में पूर्वोत्तर के बाशिंदों को देश के अलग-अलग हिस्सों से पलायन करना पड़ा, उसकी निंदा की।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
बहरहाल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने असम में जातीय हिंसा पर गहरा दुख जताया। साथ ही उन्होंने फैली अफवाहों के मद्देनजर जिस परिस्थिति में पूर्वोत्तर के बाशिंदों को देश के अलग-अलग हिस्सों से पलायन करना पड़ा, उसकी निंदा की।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
सोनिया ने कहा कि एक समाज की सबसे बड़ी चुनौती सामाजिक एकता के दुश्मनों से है। उन्होंने कहा, "पूर्वोत्तर के लोगों को जिस स्थिति का सामना करना पड़ा है, हम सभी को उसकी निंदा करनी चाहिए।"
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने इस मौके पर कहा कि पूर्व प्रधनमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी ने एक मजबूत और समृद्ध भारत का सपना देखा था। "वह जानते थे कि देश तभी तरक्की कर सकता है जब लोग शांति, सहिष्णुता और सद्भाव के साथ एकदूसरे से मिलजुलकर रहेंगे।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मसले पर खुफिया तंत्र की विफलता के लिए केंद्र सरकार की निंदा की। भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई की भी निंदा की। गोगोई ने दावा किया है कि उन्हें हमेशा से संदेह था कि इन घटनाओं में विदेश का हाथ है। सिन्हा ने सवाल किया कि जब उन्हें संदेह था तब वह निष्क्रिय क्यों रहे।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
सिन्हा ने कहा, "असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें हमेशा आभास होता रहा कि इन घटनाओं में पाकिस्तान का हाथ है। कांग्रेस के एक मुख्यमंत्री जब यह कह रहे हैं तो स्पष्ट है कि खुफिया तंत्र विफल रहा।" उन्होंने कहा कि यह एक सामाजिक मीडिया की आक्रामकता थी जिसे पाकिस्तान ने खुली छूट दे दी और यहां की सरकार कुछ न कर सकी।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
उधर, पूर्वोत्तर के लोगों का विभिन्न राज्यों से पलायन का दौर रविवार को कुछ थम गया लेकिन लोगों में भय अभी भी बरकरार है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने इस सिलसिले में सात मामले दर्ज किए हैं और पुलिस ने अफवाह फैलाने के आरोप में 16 लोगों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
पुलिस की चुस्ती, 16 लोगों की गिरफ्तारी और दोषियों का सुराग देने पर एक लाख रुपये इनाम की घोषणा के बाद लोगों में विश्वास कायम हुआ है लेकिन लोग एसएमस के जरिये मिले 20 अगस्त का अल्टीमेटम भुला नहीं पा रहे हैं।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
इन धमकियों की वजह से पिछले तीन दिनों में हजारों की तादाद में लोग बेंगलुरू से गुवाहाटी पलायन कर गए। इन दिनों अत्यधिक टिकट की बिक्री होने की वजह से रेलवे को विशेष रेलगाड़ी तक चलानी पड़ी। हालांकि इसमें अब कमी आई है और रेलवे का कहना है कि शनिवार को ज्यादा टिकट नहीं बिके इसीलिए विशेष रेलगाड़ी चलाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। नियम के मुताबिक करीब 2500 टिकट बिकने पर विशेष रेलगाड़ी चलाए जाने का प्रावधान है।टिप्पणियां
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
ज्ञात हो कि असम में बोडो जनजाति और मुस्लिमों के बीच हुई हिंसक झड़पों के प्रतिशोध में अन्य राज्यों में रह रहे पूर्वोत्तर के लोगों पर हमले की आशंका वाली अफवाहों से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने 15 दिनों के लिए बड़ी संख्या में एसएमएस और एमएमएस भेजने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए।
इस सप्ताह कर्नाटक, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश से हजारों पूर्वोत्तरवासी पलायन कर गए। | संक्षिप्त पाठ: असम हिंसा के बाद मुम्बई में फैली उसकी आग और उसके बाद पूर्वोत्तर के लोगों में भय का माहौल पैदा करने के लिए सीमापार से रची गई साजिश पर भारत ने पाकिस्तान से दो टूक बात कही है। | 13 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: Type 2 Diabetes: डायबिटीज में ब्लड शुगर लेवल (Blood Sugar Level) अनकंट्रोल हो जाता है लेकिन, शरीर में बल्ड शुगर का बढ़ना और एक मानक से कम होना डायबिटीज (Diabetes) की दो दशाओं को दर्शाता है. दालचीनी (Cinnamon) टाइप 2 डाइबिटीज के लिए फायदेमंद हो सकती है. मधुमेह क्या है? (What Is Diabetes) कैसे होता है डाइबिटीज? डाइबिटीज के लक्षण (Symptoms Of Diabetes), अक्सर लोग ऐसे सवाल करते हैं. यहां हम आपके ऐसी ही सवालों का जवाब देंगे. टाइप 2 डायबिटीज (Type 2 Diabetes) वह स्थिति है जब शरीर इंसुलिन (Insulin) का सही उपयोग नहीं कर पाता है. इस स्थिति को इंसुलिन प्रतिरोध कहा जाता है. ऐसे कई फूड हैं जो ब्लड शुगर (Blood Sugar) लेवल को कंट्रोल में रख सकते हैं. एक शोध में यह बात सामने आई है कि दालचीनी (Cinnamon) भी ब्लड शुगर को काफी हद तक कंट्रोल करने में मदद कर सकती है. डायबिटीज (Diabetes) की समस्या लगातार बढ़ती ही जा रही है.
Yoga For Diabetes: डायबिटीज का नेचुरल इलाज हैं ये 2 योगासन, ब्लड शुगर लेवल रहेगा ठीक!
डायबिटीज दो तरह की होती हैं. टाइप 1 डायबिटीज (Type 1 Diabetes) और टाइप 2 डायबिटीज (Type 2 Diabetes). अगर आप टाइप 2 से पीड़ित हैं तो टाइप 2 डायबिटीज डाइट (Type 2 Diabetes Diet) लेना आपके लिए जरूरी हो जाता है. टाइप 2 डायबिटीज को कंट्रोल में रखने के लिए दवाओं और इन्सुलिन इंजेक्शन (Insulin Injection) का सहारा लिया जाता है. यहां जानें दालचीनी कैसे टाइप 2 डाइबिटीज को कंट्रोल कर सकती है...
Diabetes: टाइप 2 डायबिटीज में ये सुपर फूड करेगा ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल, जानिए और क्या खाएं और क्या नहीं
दालचीनी आपके ब्लड प्रेशर में प्रवेश करने वाले ग्लूकोज की मात्रा को कम करने में मदद कर सकता है यह बात एक शोध में सामने आई है. ग्लूकोज एक सामान्य शर्करा (Sugar) है, जो आपके ब्लड में बनता है और उच्च रक्त शर्करा (High Blood Sugar) के स्तर का मुख्य कारण होता है. प्रत्येक दिन सिर्फ 1 ग्राम दालचीनी के सेवन से इंसुलिन के प्रति संवेदनशीलता बढ़ जाती है और टाइप 2 डायबिटीज को मैनज करने में मदद मिल सकती है. डायबिटीज केयर जर्नल में प्रकाशित एक क्लिनिकल स्टडी के परिणामों में पाया गया कि एक, तीन या छह ग्राम हर दिन दालचीनी खाने से मध्यम आयु वर्ग के 60 डाइबिटीज रोगियों में 40 दिनों के बाद सीरम ग्लूकोज, ट्राइग्लिसराइड, एलडीएल या बैड कोलेस्ट्रोल और टोटल कोलेस्ट्रॉल कम पाया गया.
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क्या आपको भी जल्दी शुरू हुए थे पीरियड्स, तो आप हो सकते हैं टाइप 2 डायबिटीज से पीड़ित
अपने आहार (Diet) को संतुलित कर आप रक्त शर्करा के स्तर को मैनेज कर सकते हैं. कुछ खाद्य पदार्थ ऐसे होते हैं, जो इंसुलिन संवेदनशीलता को बढ़ाने और ब्लड प्रेशर में भोजन के अवशोषण की दर को धीमा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं. कई अध्ययनों से पता चला है कि दालचीनी ब्लड शुगर कम करने वाले गुणों से भरी होती है. ऐसे में टाइप 2 डायबिटीज से ग्रस्त लोगों को दालचीनी को जरूर अपने भोजन में शामिल करने की सलाह दी जा सकती है.
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टाइप 2 डायबिटीज होने पर जरूरी है ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल में रखना. अगर आप ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल में नहीं रखेंगे, तो सेहत के लिए खतरनाक साबित हो सकता है. ब्लड शुगर लेवल बढ़ने से हार्ट डिजीज और स्ट्रोक जैसी समस्याएं हो सकती हैं. ऐसे में जरूरी है कि ब्लड शुगर लेवल पर नजर रखें.
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ब्लड शुगर लेवल कंट्रोल करने के लिए डाइट में लें दालचीनी.
जानें डाइबिटीज में कैसे फायदेमंद है दालचीनी. | 10 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: ओपनर मार्टिन गप्टिल की 180 रन की नाबाद पारी की बदौलत न्यूजीलैंड ने आज यहां चौथे वनडे मैच में दक्षिण अफ्रीका को बेहद आसानी से 7 विकेट से हरा दिया. आज की इस जीत के साथ सीरीज रोमांचक मोड़ पर पहुंच गई है. दोनों टीमें 2-2 की बराबरी पर हैं. आखिरी वनडे में जो भी टीम जीतेगी, सीरीज पर उसी का कब्जा होगा. मैच में पहले बल्लेबाजी करते हुए दक्षिण अफ्रीका की टीम ने निर्धारित 50 ओवर्स में 8 विकेट पर 279 रन बनाए. जवाब में न्यूजीलैंड की टीम ने गप्टिल के नाबाद शतक के सहारे लक्ष्य 45 ओवर में तीन विकेट खोकर ही हासिल कर लिया. मार्टिन गप्टिल ने नाबाद 180 रन की पारी में 138 गेंदों का सामना करते हुए 15 चौके और 11 छक्के लगाए. रॉस टेलर ने भी 66 रन का योगदान दिया.टिप्पणियां
दक्षिण अफ्रीका के लक्ष्य का पीछा करते हुए न्यूजीलैंड टीम ने डीन ब्राउनली का विकेट जल्दी ही गंवा दिया. उन्हें 4 रन के निजी स्कोर पर तेज गेंदबाज रबाडा की गेंद पर विकेटकीपर क्विंटन डिकॉक ने कैच किया. कप्तान केन विलियम्सन भी लंबी पारी नहीं खेल सके और 21 के निजी स्कोर पर इमरान ताहिर की गेंद पर एलबीडब्ल्यू हो गए. इसके बाद गप्टिल और टेलर की जोड़ी ने दक्षिण अफ्रीकी आक्रमण का शानदार तरीके से सामना किया और तीसरे विकेट के लिए शतकीय साझेदारी कर स्थिति सुधार ली. न्यूजीलैंड का तीसरा विकेट टेलर के रूप में गिरा. गप्टिल ने इसके बाद ल्यूक रोंची के साथ मिलकर टीम को जीत तक पहुंचा दिया.
मैच में दक्षिण अफ्रीका के कप्तान एबी डिविलियर्स ने टॉस जीता और पहले बल्लेबाजी का फैसला किया. डिकॉक (0) के रूप में दक्षिण अफ्रीका का पहला विकेट पहले ही ओवर में गिर गया, लेकिन हाशिम अमला (40) ने फाफ डु प्लेसिस (67) के साथ दूसरे विकेट के लिए 65 रन की साझेदारी कर हालात संभाल ली. अमला और डु प्लेसिस के आउट होने के बाद दक्षिण अफ्रीकी टीम यदि 50 ओवर्स में 279 के स्कोर तक पहुंच पाई तो इसका काफी कुछ श्रेय कप्तान डिविलियर्स को जाता है जिन्होंने अपने स्वभाव के विपरीत 97 गेंदों पर 67 रन की पारी खेली. डिविलियर्स की पारी में चार चौके और तीन छक्के शामिल रहे. न्यूजीलैंड के लिए जीतन पटेल ने सबसे ज्यादा दो विकेट लिए.
दक्षिण अफ्रीका के लक्ष्य का पीछा करते हुए न्यूजीलैंड टीम ने डीन ब्राउनली का विकेट जल्दी ही गंवा दिया. उन्हें 4 रन के निजी स्कोर पर तेज गेंदबाज रबाडा की गेंद पर विकेटकीपर क्विंटन डिकॉक ने कैच किया. कप्तान केन विलियम्सन भी लंबी पारी नहीं खेल सके और 21 के निजी स्कोर पर इमरान ताहिर की गेंद पर एलबीडब्ल्यू हो गए. इसके बाद गप्टिल और टेलर की जोड़ी ने दक्षिण अफ्रीकी आक्रमण का शानदार तरीके से सामना किया और तीसरे विकेट के लिए शतकीय साझेदारी कर स्थिति सुधार ली. न्यूजीलैंड का तीसरा विकेट टेलर के रूप में गिरा. गप्टिल ने इसके बाद ल्यूक रोंची के साथ मिलकर टीम को जीत तक पहुंचा दिया.
मैच में दक्षिण अफ्रीका के कप्तान एबी डिविलियर्स ने टॉस जीता और पहले बल्लेबाजी का फैसला किया. डिकॉक (0) के रूप में दक्षिण अफ्रीका का पहला विकेट पहले ही ओवर में गिर गया, लेकिन हाशिम अमला (40) ने फाफ डु प्लेसिस (67) के साथ दूसरे विकेट के लिए 65 रन की साझेदारी कर हालात संभाल ली. अमला और डु प्लेसिस के आउट होने के बाद दक्षिण अफ्रीकी टीम यदि 50 ओवर्स में 279 के स्कोर तक पहुंच पाई तो इसका काफी कुछ श्रेय कप्तान डिविलियर्स को जाता है जिन्होंने अपने स्वभाव के विपरीत 97 गेंदों पर 67 रन की पारी खेली. डिविलियर्स की पारी में चार चौके और तीन छक्के शामिल रहे. न्यूजीलैंड के लिए जीतन पटेल ने सबसे ज्यादा दो विकेट लिए.
मैच में दक्षिण अफ्रीका के कप्तान एबी डिविलियर्स ने टॉस जीता और पहले बल्लेबाजी का फैसला किया. डिकॉक (0) के रूप में दक्षिण अफ्रीका का पहला विकेट पहले ही ओवर में गिर गया, लेकिन हाशिम अमला (40) ने फाफ डु प्लेसिस (67) के साथ दूसरे विकेट के लिए 65 रन की साझेदारी कर हालात संभाल ली. अमला और डु प्लेसिस के आउट होने के बाद दक्षिण अफ्रीकी टीम यदि 50 ओवर्स में 279 के स्कोर तक पहुंच पाई तो इसका काफी कुछ श्रेय कप्तान डिविलियर्स को जाता है जिन्होंने अपने स्वभाव के विपरीत 97 गेंदों पर 67 रन की पारी खेली. डिविलियर्स की पारी में चार चौके और तीन छक्के शामिल रहे. न्यूजीलैंड के लिए जीतन पटेल ने सबसे ज्यादा दो विकेट लिए. | यह एक सारांश है: पहले बैटिंग करते हुए द. अफ्रीका ने 279 रन बनाए
डुप्लेसिस और डिविलियर्स ने अर्धशतक जमाए
टॉस जीतकर पहले बैटिंग की थी द. अफ्रीका ने | 24 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: भाजपा ने बुधवार को सरकार से कहा कि भारतीय क्षेत्र में चीनी घुसपैठ मामले से सरकार निर्भीक होकर निपटे और इसमें वह उसका पूरा साथ देगी।
पार्टी अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने कहा, ‘‘चीनी घुसपैठ की घटना से पूरा देश चिंतित है। देश सरकार से जानना चाहता है कि वह इस मामले से कैसे निपट रही है। भाजपा चाहती है कि सरकार इस मामले से निर्भीकता से निपटे। इस मुद्दे पर हम सरकार के साथ होंगे।’’
यह कहते हुए कि इस मामले को केवल ‘फ्लैग मीटिंग’ के जरिये नहीं सुलझाया जा सकता है, भाजपा प्रवक्ता प्रकाश जावडेकर ने कहा, ‘‘यह बहुत ही गंभीर मामला है। दो सप्ताह पहले चीन के 50 सशस्त्र सैनिक और दो हेलीकॉप्टर हमारी सीमा के 10 किलोमीटर अंदर तक घुस आए।’’
उन्होंने कहा कि चीन ने दौलत बेग ओल्डी क्षेत्र हवाई पट्टी तक घुसपैठ की है और यह वह जगह है जहां से 1962 युद्ध के दौरान भारतीय विमान उड़ान भरा करते थे।
जावडेकर ने आरोप लगाया कि इस अति गंभीर मामले को जिस गंभीरता से निपटने की आवश्यकता है, सरकार वैसे नहीं निपट रही है।
उन्होंने कहा, ‘‘इस मुद्दे को सीमा पर फ्लैग मीटिंग से नहीं सुलझाया जा सकता है। ऐसी दो मीटिंग हो चुकी हैं और दोनों असफल रही हैं। मामले से प्रधानमंत्री, विदेशमंत्री और रक्षामंत्री के स्तर से निपटने की जरूरत है।’’टिप्पणियां
इसे सामरिक महत्व का मुद्दा बताते हुए भाजपा प्रवक्ता ने कहा भारत को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि घुसपैठ से पहले की यथास्थिति बहाल हो।
चीन के इरादों को खतरनाक बताते हुए उन्होंने कहा कि वह अरुणाचल प्रदेश को अपना हिस्सा बताता है। इसके अलावा उसने गिलगिट में अवैध निर्माण किए हैं। वह पाकिस्तान, श्रीलंका, मारिशस, मालदीव और म्यंमार जैसे भारत के पड़ोसी देशों में भी अपनी उपस्थिति बढ़ा रहा है।
पार्टी अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने कहा, ‘‘चीनी घुसपैठ की घटना से पूरा देश चिंतित है। देश सरकार से जानना चाहता है कि वह इस मामले से कैसे निपट रही है। भाजपा चाहती है कि सरकार इस मामले से निर्भीकता से निपटे। इस मुद्दे पर हम सरकार के साथ होंगे।’’
यह कहते हुए कि इस मामले को केवल ‘फ्लैग मीटिंग’ के जरिये नहीं सुलझाया जा सकता है, भाजपा प्रवक्ता प्रकाश जावडेकर ने कहा, ‘‘यह बहुत ही गंभीर मामला है। दो सप्ताह पहले चीन के 50 सशस्त्र सैनिक और दो हेलीकॉप्टर हमारी सीमा के 10 किलोमीटर अंदर तक घुस आए।’’
उन्होंने कहा कि चीन ने दौलत बेग ओल्डी क्षेत्र हवाई पट्टी तक घुसपैठ की है और यह वह जगह है जहां से 1962 युद्ध के दौरान भारतीय विमान उड़ान भरा करते थे।
जावडेकर ने आरोप लगाया कि इस अति गंभीर मामले को जिस गंभीरता से निपटने की आवश्यकता है, सरकार वैसे नहीं निपट रही है।
उन्होंने कहा, ‘‘इस मुद्दे को सीमा पर फ्लैग मीटिंग से नहीं सुलझाया जा सकता है। ऐसी दो मीटिंग हो चुकी हैं और दोनों असफल रही हैं। मामले से प्रधानमंत्री, विदेशमंत्री और रक्षामंत्री के स्तर से निपटने की जरूरत है।’’टिप्पणियां
इसे सामरिक महत्व का मुद्दा बताते हुए भाजपा प्रवक्ता ने कहा भारत को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि घुसपैठ से पहले की यथास्थिति बहाल हो।
चीन के इरादों को खतरनाक बताते हुए उन्होंने कहा कि वह अरुणाचल प्रदेश को अपना हिस्सा बताता है। इसके अलावा उसने गिलगिट में अवैध निर्माण किए हैं। वह पाकिस्तान, श्रीलंका, मारिशस, मालदीव और म्यंमार जैसे भारत के पड़ोसी देशों में भी अपनी उपस्थिति बढ़ा रहा है।
यह कहते हुए कि इस मामले को केवल ‘फ्लैग मीटिंग’ के जरिये नहीं सुलझाया जा सकता है, भाजपा प्रवक्ता प्रकाश जावडेकर ने कहा, ‘‘यह बहुत ही गंभीर मामला है। दो सप्ताह पहले चीन के 50 सशस्त्र सैनिक और दो हेलीकॉप्टर हमारी सीमा के 10 किलोमीटर अंदर तक घुस आए।’’
उन्होंने कहा कि चीन ने दौलत बेग ओल्डी क्षेत्र हवाई पट्टी तक घुसपैठ की है और यह वह जगह है जहां से 1962 युद्ध के दौरान भारतीय विमान उड़ान भरा करते थे।
जावडेकर ने आरोप लगाया कि इस अति गंभीर मामले को जिस गंभीरता से निपटने की आवश्यकता है, सरकार वैसे नहीं निपट रही है।
उन्होंने कहा, ‘‘इस मुद्दे को सीमा पर फ्लैग मीटिंग से नहीं सुलझाया जा सकता है। ऐसी दो मीटिंग हो चुकी हैं और दोनों असफल रही हैं। मामले से प्रधानमंत्री, विदेशमंत्री और रक्षामंत्री के स्तर से निपटने की जरूरत है।’’टिप्पणियां
इसे सामरिक महत्व का मुद्दा बताते हुए भाजपा प्रवक्ता ने कहा भारत को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि घुसपैठ से पहले की यथास्थिति बहाल हो।
चीन के इरादों को खतरनाक बताते हुए उन्होंने कहा कि वह अरुणाचल प्रदेश को अपना हिस्सा बताता है। इसके अलावा उसने गिलगिट में अवैध निर्माण किए हैं। वह पाकिस्तान, श्रीलंका, मारिशस, मालदीव और म्यंमार जैसे भारत के पड़ोसी देशों में भी अपनी उपस्थिति बढ़ा रहा है।
उन्होंने कहा कि चीन ने दौलत बेग ओल्डी क्षेत्र हवाई पट्टी तक घुसपैठ की है और यह वह जगह है जहां से 1962 युद्ध के दौरान भारतीय विमान उड़ान भरा करते थे।
जावडेकर ने आरोप लगाया कि इस अति गंभीर मामले को जिस गंभीरता से निपटने की आवश्यकता है, सरकार वैसे नहीं निपट रही है।
उन्होंने कहा, ‘‘इस मुद्दे को सीमा पर फ्लैग मीटिंग से नहीं सुलझाया जा सकता है। ऐसी दो मीटिंग हो चुकी हैं और दोनों असफल रही हैं। मामले से प्रधानमंत्री, विदेशमंत्री और रक्षामंत्री के स्तर से निपटने की जरूरत है।’’टिप्पणियां
इसे सामरिक महत्व का मुद्दा बताते हुए भाजपा प्रवक्ता ने कहा भारत को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि घुसपैठ से पहले की यथास्थिति बहाल हो।
चीन के इरादों को खतरनाक बताते हुए उन्होंने कहा कि वह अरुणाचल प्रदेश को अपना हिस्सा बताता है। इसके अलावा उसने गिलगिट में अवैध निर्माण किए हैं। वह पाकिस्तान, श्रीलंका, मारिशस, मालदीव और म्यंमार जैसे भारत के पड़ोसी देशों में भी अपनी उपस्थिति बढ़ा रहा है।
जावडेकर ने आरोप लगाया कि इस अति गंभीर मामले को जिस गंभीरता से निपटने की आवश्यकता है, सरकार वैसे नहीं निपट रही है।
उन्होंने कहा, ‘‘इस मुद्दे को सीमा पर फ्लैग मीटिंग से नहीं सुलझाया जा सकता है। ऐसी दो मीटिंग हो चुकी हैं और दोनों असफल रही हैं। मामले से प्रधानमंत्री, विदेशमंत्री और रक्षामंत्री के स्तर से निपटने की जरूरत है।’’टिप्पणियां
इसे सामरिक महत्व का मुद्दा बताते हुए भाजपा प्रवक्ता ने कहा भारत को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि घुसपैठ से पहले की यथास्थिति बहाल हो।
चीन के इरादों को खतरनाक बताते हुए उन्होंने कहा कि वह अरुणाचल प्रदेश को अपना हिस्सा बताता है। इसके अलावा उसने गिलगिट में अवैध निर्माण किए हैं। वह पाकिस्तान, श्रीलंका, मारिशस, मालदीव और म्यंमार जैसे भारत के पड़ोसी देशों में भी अपनी उपस्थिति बढ़ा रहा है।
उन्होंने कहा, ‘‘इस मुद्दे को सीमा पर फ्लैग मीटिंग से नहीं सुलझाया जा सकता है। ऐसी दो मीटिंग हो चुकी हैं और दोनों असफल रही हैं। मामले से प्रधानमंत्री, विदेशमंत्री और रक्षामंत्री के स्तर से निपटने की जरूरत है।’’टिप्पणियां
इसे सामरिक महत्व का मुद्दा बताते हुए भाजपा प्रवक्ता ने कहा भारत को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि घुसपैठ से पहले की यथास्थिति बहाल हो।
चीन के इरादों को खतरनाक बताते हुए उन्होंने कहा कि वह अरुणाचल प्रदेश को अपना हिस्सा बताता है। इसके अलावा उसने गिलगिट में अवैध निर्माण किए हैं। वह पाकिस्तान, श्रीलंका, मारिशस, मालदीव और म्यंमार जैसे भारत के पड़ोसी देशों में भी अपनी उपस्थिति बढ़ा रहा है।
इसे सामरिक महत्व का मुद्दा बताते हुए भाजपा प्रवक्ता ने कहा भारत को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि घुसपैठ से पहले की यथास्थिति बहाल हो।
चीन के इरादों को खतरनाक बताते हुए उन्होंने कहा कि वह अरुणाचल प्रदेश को अपना हिस्सा बताता है। इसके अलावा उसने गिलगिट में अवैध निर्माण किए हैं। वह पाकिस्तान, श्रीलंका, मारिशस, मालदीव और म्यंमार जैसे भारत के पड़ोसी देशों में भी अपनी उपस्थिति बढ़ा रहा है।
चीन के इरादों को खतरनाक बताते हुए उन्होंने कहा कि वह अरुणाचल प्रदेश को अपना हिस्सा बताता है। इसके अलावा उसने गिलगिट में अवैध निर्माण किए हैं। वह पाकिस्तान, श्रीलंका, मारिशस, मालदीव और म्यंमार जैसे भारत के पड़ोसी देशों में भी अपनी उपस्थिति बढ़ा रहा है। | यह एक सारांश है: राजनाथ सिंह ने कहा, ‘‘चीनी घुसपैठ की घटना से पूरा देश चिंतित है। देश सरकार से जानना चाहता है कि वह इस मामले से कैसे निपट रही है। भाजपा चाहती है कि सरकार इस मामले से निर्भीकता से निपटे।' | 2 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: लोकसभा में भारतीय जनता पार्टी के उपनेता गोपीनाथ मुंडे ने कांग्रेस में जाने की अटकलों को खारिज करते हुए बुधवार को स्पष्ट कर दिया कि वह भाजपा में हैं और भाजपा में ही रहेंगे। विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज से मिलने के बाद संवाददाताओं को सम्बोधित करते हुए मुंडे ने कहा, "मैं पार्टी में हूं और पार्टी में ही रहूंगा। सुषमा जी से बात हो गई है और अब अन्य नेताओं से मिलूंगा।" कांग्रेस में शामिल होने और इस सिलसिले में मंगलवार रात कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के राजनीतिक सचिव अहमद पटेल से मुलाकात करने की अटकलों को खारिज करते हुए मुंडे ने स्पष्ट किया, "मैंने अपनी जिंदगी में कभी भी अहमद पटेल से मुलाकात नहीं की। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री से भी मेरी कोई बात नहीं हुई।" मुंडे ने यह तो कहा कि उनके मन में पीड़ा है, लेकिन उसका खुलासा करने से उन्होंने इनकार कर दिया। उन्होंने कहा, "मेरे मन में पीड़ा है। मैं यह बात अपनी पार्टी के नेताओं के समक्ष रख रहा हूं। इसका समाधान करना उनका काम है। बातचीत जारी है। रही बात पीड़ा जाहिर करने की तो वह मीडिया के सामने न करके मैं उपयुक्त स्थान पर करूंगा।" इस अवसर पर मौजूद सुषमा ने कहा, "उनके मन में जो पीड़ा है, उसे बताने वह मेरे पास आए थे। उनकी पीड़ा का समाधन करना नेतृत्व का काम है। मुंडेजी को सबसे ज्यादा दुख इस बात का पहुंचा है कि उनके बारे में इस प्रकार की खबरें चलाई जा रही हैं कि वह कांग्रेस में जा रहे हैं। उन्होंने खुद स्पष्ट कर दिया कि वह कहीं नहीं जा रहे हैं। उन्होंने यह भी साफ तौर पर कहा कि अहमद पटेल से कभी उनकी मुलाकात नहीं हुई।" सुषमा ने कहा कि उन्होंने (मुंडे) जो भी मुद्दे उठाए हैं और जिनकी वजह से उन्हें पीड़ा पहुंची है, उसका समाधन नेतृत्व को करना है। उल्लेखनीय है कि मुंडे महाराष्ट्र की राजनीति में खुद को नजरअंदाज किए जाने से नाराज चले रहे हैं। नितिन गडकरी के भाजपा अध्यक्ष बनने के बाद से प्रदेश की राजनीति में भी उनका प्रभाव कम हुआ है और नेतृत्व द्वारा लिए गए कुछ फैसलों में मुंडे की सलाह को नजरअंदाज किया गया। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: अपनी पार्टी से नाराज़ चल रहे मुंडे ने सुषमा स्वराज से मिलने के बाद कांग्रेस में जाने की अफवाहों को नकारते हुए कहा, मैं पार्टी के साथ हूं। | 32 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: शेखपुरा जिले के अरियरी थाना क्षेत्र के फुलचोड गांव के पास रविवार को एक साध्वी के साथ सामूहिक दुष्कर्म किये जाने का मामला सामने आया है. शेखपुरा महिला थाना अध्यक्ष यशोदा देवी ने बताया कि उक्त साध्वी के साथ सामूहिक दुष्कर्म करने वाले चार आरोपियों में से दो उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले के एक गांव के रहने वाले हैं. पीड़ित भी उसी गांव की रहने वाली है. उन्होंने बताया कि पीड़िता पड़ोसी नवादा जिले के पर्यटक स्थल ककोलत में अपने सहयोगियों के साथ एक आश्रम में रह रही थी. पीड़ित साध्वी ने आरोप लगाया है कि उनके गांव के दो लोग अपने दो अन्य सहयोगियों के साथ रविवार को उनके आश्रम पहुंचे और उनकी मां के बीमार होने की सूचना दी.
यशोदा ने बताया कि चारों आरोपियों ने एक निजी वाहन से साध्वी को उनके घर ले जाने के क्रम में शेखपुरा जिले के अरियरी थाना अंतर्गत फुलचोड गांव के पास उससे सामूहिक दुष्कर्म किया. पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. | यहाँ एक सारांश है:साध्वी को आश्रम से ले गए और फिर किया गैंगरेप
मां के बीमार होने का किया बहाना
फुलचोड गांव के पास किया गैंगरेप | 12 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: डायरीगेट मामले में CBI के पूर्व डायरेक्टर रंजीत सिन्हा की मुश्किलें बढ़ गई हैं. सुप्रीम कोर्ट ने कोल घोटाले के आरोपियों से मिलने के मामले में उनके खिलाफ सीबीआई को जांच के आदेश दिए हैं. कोर्ट ने कहा कि टीम सीबीआई डायरेक्टर की देखरेख में जांच करे. पूर्व सीबीआई डायरेक्टर के खिलाफ जांच का यह पहला मामला है. कोर्ट ने कहा कि यह मामला बड़े महत्व का है और हम आरोपों पर कुछ टिप्पणी नहीं कर रहे, लेकिन पूर्व SPL डायरेक्टर ML शर्मा की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रथम दृष्टतया यह केस बनता है और इसकी जांच होनी चाहिए.
उल्लेखनीय है कि CBI के पूर्व डायरेक्टर रंजीत सिन्हा के कोल घोटाले के आरोपियों से मिलने के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुनाया है. सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में फैसला सुरक्षित रखा था कि FIR दर्ज कर मामले की जांच SIT को सौंपी जाए या नहीं. इससे पहले कोल घोटाले के आरोपियों से मिलने और जांच में दखल देने का मामले में रंजीत सिंहा की मुश्किलें बढ़ गई थीं जब सुप्रीम कोर्ट के बनाए CBI के पूर्व स्पेशल डायरेक्टर ML शर्मा पैनल ने कोर्ट को सील कवर में रिपोर्ट सौंपी थी. AG ने कोर्ट को बताया था कि ये रिपोर्ट सिन्हा के खिलाफ है, लेकिन उन्होंने कोल केसों को बंद करने के मामले में जांच अफसर की रिपोर्ट को नहीं पलटा.
सूत्रों के मुताबिक, रिपोर्ट में कहा गया है कि रंजीत सिंन्हा इस मामले में शामिल हैं और शक की सुईं उनकी तरफ है. प्रशांत भूषण ने सीबीआई के पूर्व डायरेक्टर रंजीत सिन्हा के घर की विजिटिंग डायरी दी है, वो जेनुअन है. काफी लोग सिन्हा से घर पर मिले और इनमें कई कोल घोटाले और 2G घोटाले के आरोपी थे हालांकि रंजीत सिन्हा इन आरोपों को बेबुनियाद ठहराते रहे और विजिटर डायरी पर सवाल उठाते रहे.
उल्लेखनीय है कि CBI के पूर्व डायरेक्टर रंजीत सिन्हा के कोल घोटाले के आरोपियों से मिलने के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुनाया है. सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में फैसला सुरक्षित रखा था कि FIR दर्ज कर मामले की जांच SIT को सौंपी जाए या नहीं. इससे पहले कोल घोटाले के आरोपियों से मिलने और जांच में दखल देने का मामले में रंजीत सिंहा की मुश्किलें बढ़ गई थीं जब सुप्रीम कोर्ट के बनाए CBI के पूर्व स्पेशल डायरेक्टर ML शर्मा पैनल ने कोर्ट को सील कवर में रिपोर्ट सौंपी थी. AG ने कोर्ट को बताया था कि ये रिपोर्ट सिन्हा के खिलाफ है, लेकिन उन्होंने कोल केसों को बंद करने के मामले में जांच अफसर की रिपोर्ट को नहीं पलटा.
सूत्रों के मुताबिक, रिपोर्ट में कहा गया है कि रंजीत सिंन्हा इस मामले में शामिल हैं और शक की सुईं उनकी तरफ है. प्रशांत भूषण ने सीबीआई के पूर्व डायरेक्टर रंजीत सिन्हा के घर की विजिटिंग डायरी दी है, वो जेनुअन है. काफी लोग सिन्हा से घर पर मिले और इनमें कई कोल घोटाले और 2G घोटाले के आरोपी थे हालांकि रंजीत सिन्हा इन आरोपों को बेबुनियाद ठहराते रहे और विजिटर डायरी पर सवाल उठाते रहे. | यह एक सारांश है: पूर्व सीबीआई डायरेक्टर के खिलाफ जांच का यह पहला मामला
कोर्ट ने कहा- आरोपों पर टिप्पणी नहीं कर रहे
प्रथम दृष्टतया यह केस बनता है, जांच होनी चाहिए | 2 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: रक्षा सचिव शशि कांत शर्मा देश के नए नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक (सीएजी) बनेंगे। इस पद पर वह विनोद राय की जगह लेंगे, जो 22 मई को सेवानिवृत्त हो रहे हैं। यह जानकारी सरकार ने मंगलवार को दी।टिप्पणियां
वित्त मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि शर्मा 1976 बैच के बिहार काडर के भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) अधिकारी हैं। वह नए पद का कार्यभार गुरुवार को सम्भालेंगे।
बयान में कहा गया, "भारतीय संविधान के अनुच्छेद 148 (1) आलोक में भारत के राष्ट्रपति ने आईएएस शशि कांत शर्मा को देश का नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक नियुक्त किया है।"
वित्त मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि शर्मा 1976 बैच के बिहार काडर के भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) अधिकारी हैं। वह नए पद का कार्यभार गुरुवार को सम्भालेंगे।
बयान में कहा गया, "भारतीय संविधान के अनुच्छेद 148 (1) आलोक में भारत के राष्ट्रपति ने आईएएस शशि कांत शर्मा को देश का नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक नियुक्त किया है।"
बयान में कहा गया, "भारतीय संविधान के अनुच्छेद 148 (1) आलोक में भारत के राष्ट्रपति ने आईएएस शशि कांत शर्मा को देश का नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक नियुक्त किया है।" | यह एक सारांश है: रक्षा सचिव शशि कांत शर्मा देश के नए नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक (सीएजी) बनेंगे। इस पद पर वह विनोद राय की जगह लेंगे, जो 22 मई को सेवानिवृत्त हो रहे हैं। यह जानकारी सरकार ने मंगलवार को दी। | 21 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: इंदिरा सागर परियोजना और ओंकारेश्वर परियोजना के बांधों से छोड़े गए पानी का सीधा असर बड़वानी जिले के सरदार सरोवर डूब क्षेत्र पर देखने को मिल रहा है. यहां लगातार जलस्तर बढ़ता नजर आ रहा है. इसी को लेकर नर्मदा बचाओ आंदोलन और डूब प्रभावितों ने मध्य प्रदेश गुजरात और केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. आंदोलन का आरोप है कि सरकारों के द्वारा पुनर्वास में कोताही बरती गई है, जिसके चलते डूब प्रभावित परेशान हो रहे हैं. आज तक उचित मुआवजा नहीं मिल पाया है.
नर्मदा बचाओ आंदोलन की संयोजक मेधा पाटकर सहित पांच महिलाओं ने छोटा बड़दा में सत्याग्रह की शुरुआत की है और अनिश्चितकालीन उपवास की घोषणा की है. मेधा पाटकार का कहना है कि जलस्तर 133 मीटर के ऊपर जा चुका है. ऐसे में बगैर पुनर्वास डूब कराना अनुचित और असंवैधानिक है.
आंदोलन का कहना है कि 133 मीटर के ऊपर जल स्तर को नहीं बढ़ाया जाए और सरदार सरोवर बांध के गेट को खोल दिया जाए क्योंकि गुजरात राज्य में भी बारिश के चलते सभी बांध भरे जा चुके हैं, जिससे कि गुजरात को पानी को लेकर कोई समस्या नहीं होना है. मध्यप्रदेश भी बिजली को लेकर खुद ही सक्षम है. इन सभी बातों को मद्देनजर रखते हुए ना तो गुजरात को पानी की जरूरत है और ना ही मध्य प्रदेश को बिजली की ऐसे में बांध को पूरा भरे जाना उचित नजर नहीं आता और क्षेत्र में भी पूर्ण पुनर्वास अब तक नहीं हो पाया है ऐसे में सरदार सरोवर बांध के गेट को खोलकर मध्यप्रदेश के ग्रामीणों को डूब से बचाना चाहिए. | यहाँ एक सारांश है:133 मीटर पहुंचा सरदार सरोवर बांध का जलस्तर
खतरे में मध्य प्रदेश के डूब प्रभावित क्षेत्र
पुनर्वास की मांग हुई तेज | 18 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: बांग्लादेश एयरलाइंस के एक विमान को हाईजैक करने की कोशिश को नाकाम कर दिया गया है. अभी तक मिली जानकारी के अनुसार यह विमान ढाका से दुबई जा रहा था. इस दौरान इसे हाईजैक करने की कोशिश की गई. पुलिस के अनुसार विमान को एक बंदूकधारी ने हाईजैक करने की कोशिश की थी. विमान में बंदूकधारी के होने की सूचना मिलते ही चिटगांव में इस विमान की इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई.
बांग्लादेश की सरकार संचालित बिमान एयरलाइन्स के दुबई जाने वाले विमान के अपहरण का असफल प्रयास करने वाले एक सशस्त्र अपहरणकर्ता को बांग्लादेश के कमांडो ने रविवार को मार गिराया. सेना ने यह जानकारी दी. इस विमान में 148 यात्री सवार थे. सेना, नौसेना और पुलिस ने विमान को उतरते ही घेर लिया. सभी यात्रियों, पायलटों और चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया.
सेना के मेजर जनरल मतिउर रहमान ने बताया कि संदिग्ध की पहचान बांग्लादेशी नागरिक महादी के रूप में की गई है. अपहरणकर्ता महादी ने आत्मसमर्पण करने से मना कर दिया जिस वजह से ‘‘कमांडो को कार्रवाई (गोलीबारी) करनी पड़ी जो आठ मिनट तक चली.'' रहमान ने चटोग्राम हवाई अड्डे पर एक मीडिया ब्रीफिंग में बताया, ‘‘उसे (हाइजैकर) सेना के कमांडो ने घायल अवस्था में पकड़ा और बाद में उसकी मौत हो गई.''
उन्होंने बताया कि संदिग्ध के पास एक बंदूक थी. वायुसेना के चटग्राम अड्डे के कमांडर एयर वाइस मार्शल मुफीदुर रहमान भी मीडिया ब्रीफिंग में मौजूद थे. उन्होंने बताया कि जब विशेष बलों की इकाइयां अपनी कार्रवाई के लिए तैयार हो रही थीं तो उन्होंने अपहरणकर्ता को बातों में लगाये रखा. उन्होंने कहा, ‘‘वह व्यक्ति लगातार प्रधानमंत्री शेख हसीना से बात करना चाहता था.'' उन्होंने बताया कि अपहरणकर्ता ने यात्रियों को बातचीत के दौरान विमान से उतरने दिया. इस बीच ढाका में एक संवाददाता सम्मेलन में बांग्लादेश नागरिक उड्डयन प्राधिकरण (सीएएबी) के अध्यक्ष एयर वाइस मार्शल नईम हसन ने बताया कि अपहरणकर्ता के पास एक हैंडगन और विस्फोटक थे.
उन्होंने बताया कि इस बात की जांच की जायेगी कि यह व्यक्ति हथियारों और विस्फोटकों के साथ विमान में कैसे चढ़ गया. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार उड़ान बीजी-147 ढाका से चटोग्राम होते हुए दुबई जाने वाली थी. चटोग्राम हवाई अड्डे से उड़ान भरने के कुछ मिनट बाद ही विमान वापस लौट आया और शाम करीब पांच बजकर 40 मिनट पर आपात स्थिति में उतरा. उन्होंने बताया कि विमान के निकास द्वार खोल दिये गए और यात्री उससे तत्काल निकल गए. बाद में विमान के कैप्टन और फर्स्ट ऑफिसर भी बाहर आ गए. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: दुबई जा रहा था विमान
यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया
सेना और पुलिस ने विमान को घेरा | 11 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: विनिर्माण और खनन क्षेत्रों के खराब प्रदर्शन के कारण औद्योगिक उत्पादन की वृद्धि दर में गिरावट दर्ज की गई है। इस साल फरवरी महीने में यह महज 3.6 प्रतिशत रही, जो इससे पूर्व वर्ष के समान महीने में 15.1 प्रतिशत थी। हालांकि वर्ष 2011 के अलोच्य महीने में 17 औद्योगिक समूह में से 15 की वृद्धि दर सकारात्मक रही। आलोच्य महीने में औद्योगिक वृद्धि दर इस साल जनवरी महीने की तुलना में भी कम है। जनवरी में संशोधित औद्योगिक वृद्धि दर 3.95 प्रतिशत थी। पूर्व में इसके 3.7 प्रतिशत रहने की बात कही गयी थी। यहां जारी आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक वित्त वर्ष 2010-11 में अप्रैल-फरवरी के दौरान औद्योगिक वृद्धि दर सालाना आधार पर 7.8 प्रतिशत रही जबकि 2009-10 में अप्रैल-फरवरी के दौरान यह 10 प्रतिशत थी। वर्ष 2011 के फरवरी महीने में विनिर्माण क्षेत्र की वृद्धि 3.5 प्रतिशत रही जो इससे पूर्व वर्ष की समान माह में 16.1 प्रतिशत थी। इसी प्रकार, पूंजीगत वस्तु क्षेत्र की वृद्धि दर में आलोच्य महीने में 18.4 प्रतिशत की गिरावट आयी जबकि 2010 के फरवरी महीने में इसमें 46.7 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गयी थी। हालांकि उपभोक्ता गैर-टिकाउ क्षेत्र की वृद्धि दर 6.1 प्रतिशत रही जबकि पिछले वर्ष की समान अवधि में इसमें 0.8 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गयी थी। | यह एक सारांश है: विनिर्माण और खनन क्षेत्रों के खराब प्रदर्शन के कारण औद्योगिक उत्पादन की वृद्धि दर में गिरावट दर्ज की गई है। | 9 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: बता दें, इससे पहले कश्मीर में मीडिया पर लगे बैन को हटाने के लिए दाखिल की गई याचिका पर सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि अगले कुछ दिनों में कश्मीर से पाबंदियां हटा दी जाएंगी. सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया, 'जमीनी हकीकत का रोजाना जायजा लिया जा रहा है और सुप्रीम कोर्ट को सुरक्षा एजेंसियों पर भरोसा करना चाहिए.'
कश्मीर टाइम्स की एक्जीक्यूटिव एडिटर अनुराधा भसीन ने धारा 370 के हटने के बाद घाटी में कामकाजी पत्रकारों पर लगी पाबंदियों को चुनौती दी है. याचिका पर सुनवाई के दौरान प्रधान न्यायाधीश ने सुनवाई करते हुए कहा, 'हमने सुबह पेपर में पढ़ा है कि लैंडलाइन सर्विस शुरू ही गई है. इस पर अनुराधा भसीन की ओर से कहा गया है कि सिर्फ कुछ लैंडलाइन चालू हैं. इस पर केंद्र सरकार की ओर से कहा गया कि कश्मीर टाइम्स जम्मू से छपता है दिन पर दिन सेवाएं शुरू हो रही हैं. हालात धीरे-धीरे सामान्य हो रहे हैं.
केंद्र सरकार की ओर से कहा गया कि इनका अखबार रोज छप रहा है. सुरक्षा एजेंसी रोजाना नजर रख रही हैं. हालात का जायजा लिया जा रहा है. कोर्ट को एजेंसियों पर भरोसा करना चाहिए. कुछ दिन में हालात सामान्य हो जाएंगे. सभी न्यूज पेपर रिलीज हो रहे है आखिर कश्मीर टाइम्स क्यों नहीं. हम रोज ही थोड़ा-थोड़ा कर के बैन हटा रहे हैं. हर रोज हम परिस्थितियों को देखकर ढील दी रहे हैं. | जम्मू कश्मीर में धीरे-धीरे पाबंदियां हटाई जा रही हैं
आज रात से चरणबद्ध तरीक़े से फोन लाइनें चालू होंगी
सोमवार से अलग-अलग इलाक़ों में स्कूल खुलने शुरू | 6 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: ऋतिक रोशन और टाइगर श्रॉफ की फिल्म वॉर को लेकर सोशल मीडिया पर जमकर हंगामा मचा हुआ है, और बॉलीवुड से जुड़े दिग्गज एक्शन भरी फिल्म को लेकर अपनी राय रख रहे हैं. सिंगर और रैपर बादशाह ने भी ट्वीट किया है, और फिल्म में खालिद (Tiger Shroff) और कबीर (Hrithik Roshan) के किरदार को लेकर कुछ ऐसी बात कही है कि उनका ट्वीट जमकर वायरल हो रहा है. टाइगर श्रॉफ, ऋतिक रोशन और वाणी कपूर की 'वॉर' ने पहले दिन ही बॉक्स ऑफिस (War Box Office Collection) पर लगभग 50 करोड़ रुपये की कमाई कर ली है. इस तरह फिल्म को लेकर फैन्स में जबरदस्त उत्साह नजर आ रहा है.
'वॉर (War)' में ऋतिक रोशन (Hrithik Roshan) और टाइगर श्रॉफ (Tiger Shroff) के किरदार को लेकर बादशाह (Badshah) ने ट्वीट किया है और लिखा हैः 'इस बात पर यकीन ही नहीं होता है कि कबीर और खालिद रियल एजेंट्स नहीं हैं. वार बेस्ट एक्शन फिल्मों में से एक है. ऋतिक रोशन किसी ख्वाब की तरह नजर आते हैं और टाइगर श्रॉफ भी शानदार हैं. खालिद की एंट्री, हैंड टू डैंड बैटल और कबीर का एयरोप्लेन सिक्वेंस- OMG! जबरदस्त है.' इस तरह बादशाह भी ऋतिक रोशन और टाइगर श्रॉफ के एक्शन के कायल हो गए हैं.
'वॉर (War)' में ऋतिक रोशन (Hrithik Roshan) और टाइगर श्रॉफ (Tiger Shroff) की फिल्म को सिद्धार्थ आनंद ने डायरेक्ट किया है. फिल्म में ऋतिक रोशन और टाइगर श्रॉफ का हैरतअंगेज एक्शन है, और एक्शन को खूब पसंद किया जा रहा है. | संक्षिप्त पाठ: वॉर को मिल रहा है अच्छा रिस्पॉन्स
ऋतिक और टाइगर का एक्शन किया जा रहा पसंद
सिद्धार्थ आनंद ने किया है ट्वीट | 14 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: कांग्रेस पर तीखा प्रहार करते हुए भाजपा अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने बुधवार को अजमेर विस्फोट मामले में आरएसएस को फंसाने के लिए सत्तारूढ़ पार्टी पर झूठ का सहारा लेने का आरोप लगाया।
राजनाथ ने यहां भाजपा की रैली को संबोधित करते हुए कहा, ‘अजमेर विस्फोट मामले में आरोपी भावेश पटेल ने अपने बयान में कहा है कि गृहमंत्री और पूर्व गृहराज्य मंत्री के साथ कांग्रेस के एक महासचिव ने उससे विस्फोट मामले में सरसंघचालक मोहन भागवत और वरिष्ठ प्रचारक इंद्रेश कुमार का नाम लेने को कहा था।’
सिंह की यह टिप्पणी ऐसे समय आई है जब खबरों के अनुसार पटेल ने एनआईए की विशेष अदालत को लिखे अपने पत्र में दावा किया है कि गृहमंत्री सुशील कुमार शिंदे ने भागवत और वरिष्ठ प्रचारक इंद्रेश कुमार को आतंक मामले में फंसाने के लिए उस पर उनका नाम लेने के लिए जोर दिया था।
खबरों में आए पटेल के इस बयान से कांग्रेस का पर्दाफाश होने का उल्लेख करते हुए भाजपा प्रमुख ने कहा, ‘लोग झूठ का सहारा तब लेते हैं जब सचाई का अभाव होता है।’ महाभारत युद्ध के संदर्भ में कांग्रेस की तुलना कौरवों से करते हुए राजनाथ ने कहा कि वे पांडवों (भाजपा) को नहीं पराजित कर पाएंगे।
उन्होंने कहा कि भाजपा अब कांग्रेस से बड़ी पार्टी बन गई है और वह 2013 में मध्यप्रदेश चुनाव और 2014 में आम चुनाव में जीत दर्ज करेगी चाहे कांग्रेस कितने भी झूठ का सहारा क्यों न लें?
भाजपा अध्यक्ष ने भ्रष्टाचार, कीमतों में वृद्धि और आतंरिक सुरक्षा के मुद्दे पर संप्रग की आलोचना करते हुए राजग के छह वर्ष के कार्यकाल से इसकी तुलना की। उन्होंने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व वाली सरकार के दौरान जहां महंगाई काबू में रही, वहीं अब यह तेजी से बढ़ रही है और भ्रष्टाचार ने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। मध्यप्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने राहुल पर चुटकी लेते हुए कहा कि कांग्रेस उपाध्यक्ष उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और आंध्र प्रदेश के गांवों में गरीबों और दलितों के घर गए और उनकी खाट पर बैठ कर ‘पकौड़ा’ खाया।
उन्होंने कहा, ‘विकास तब होगा जब दलित खाट पर बैठेंगे...और ‘पकौड़ा’ खाएंगे। यह कहना कि हम भगवान राम है और तुम सबरी.. यह कांग्रेस की परंपरा हो सकती है, लेकिन भाजपा की नहीं।’टिप्पणियां
गौरतलब है कि सबरी रामायण में दलित महिला का चरित्र है, जिन्होंने भगवान राम को जूठे बेर खाने को दिए थे और जो इसके परिणामस्वरूप बंधन मुक्त हुई थी।
साल 2004 को याद करते हुए उमा ने कहा कि उन्होंने कहा था कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी केवल एक ही स्थिति में प्रधानमंत्री बन सकती हैं, जब भाजपा नेता स्वयं इटली की प्रधानमंत्री बन सकें।
राजनाथ ने यहां भाजपा की रैली को संबोधित करते हुए कहा, ‘अजमेर विस्फोट मामले में आरोपी भावेश पटेल ने अपने बयान में कहा है कि गृहमंत्री और पूर्व गृहराज्य मंत्री के साथ कांग्रेस के एक महासचिव ने उससे विस्फोट मामले में सरसंघचालक मोहन भागवत और वरिष्ठ प्रचारक इंद्रेश कुमार का नाम लेने को कहा था।’
सिंह की यह टिप्पणी ऐसे समय आई है जब खबरों के अनुसार पटेल ने एनआईए की विशेष अदालत को लिखे अपने पत्र में दावा किया है कि गृहमंत्री सुशील कुमार शिंदे ने भागवत और वरिष्ठ प्रचारक इंद्रेश कुमार को आतंक मामले में फंसाने के लिए उस पर उनका नाम लेने के लिए जोर दिया था।
खबरों में आए पटेल के इस बयान से कांग्रेस का पर्दाफाश होने का उल्लेख करते हुए भाजपा प्रमुख ने कहा, ‘लोग झूठ का सहारा तब लेते हैं जब सचाई का अभाव होता है।’ महाभारत युद्ध के संदर्भ में कांग्रेस की तुलना कौरवों से करते हुए राजनाथ ने कहा कि वे पांडवों (भाजपा) को नहीं पराजित कर पाएंगे।
उन्होंने कहा कि भाजपा अब कांग्रेस से बड़ी पार्टी बन गई है और वह 2013 में मध्यप्रदेश चुनाव और 2014 में आम चुनाव में जीत दर्ज करेगी चाहे कांग्रेस कितने भी झूठ का सहारा क्यों न लें?
भाजपा अध्यक्ष ने भ्रष्टाचार, कीमतों में वृद्धि और आतंरिक सुरक्षा के मुद्दे पर संप्रग की आलोचना करते हुए राजग के छह वर्ष के कार्यकाल से इसकी तुलना की। उन्होंने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व वाली सरकार के दौरान जहां महंगाई काबू में रही, वहीं अब यह तेजी से बढ़ रही है और भ्रष्टाचार ने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। मध्यप्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने राहुल पर चुटकी लेते हुए कहा कि कांग्रेस उपाध्यक्ष उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और आंध्र प्रदेश के गांवों में गरीबों और दलितों के घर गए और उनकी खाट पर बैठ कर ‘पकौड़ा’ खाया।
उन्होंने कहा, ‘विकास तब होगा जब दलित खाट पर बैठेंगे...और ‘पकौड़ा’ खाएंगे। यह कहना कि हम भगवान राम है और तुम सबरी.. यह कांग्रेस की परंपरा हो सकती है, लेकिन भाजपा की नहीं।’टिप्पणियां
गौरतलब है कि सबरी रामायण में दलित महिला का चरित्र है, जिन्होंने भगवान राम को जूठे बेर खाने को दिए थे और जो इसके परिणामस्वरूप बंधन मुक्त हुई थी।
साल 2004 को याद करते हुए उमा ने कहा कि उन्होंने कहा था कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी केवल एक ही स्थिति में प्रधानमंत्री बन सकती हैं, जब भाजपा नेता स्वयं इटली की प्रधानमंत्री बन सकें।
सिंह की यह टिप्पणी ऐसे समय आई है जब खबरों के अनुसार पटेल ने एनआईए की विशेष अदालत को लिखे अपने पत्र में दावा किया है कि गृहमंत्री सुशील कुमार शिंदे ने भागवत और वरिष्ठ प्रचारक इंद्रेश कुमार को आतंक मामले में फंसाने के लिए उस पर उनका नाम लेने के लिए जोर दिया था।
खबरों में आए पटेल के इस बयान से कांग्रेस का पर्दाफाश होने का उल्लेख करते हुए भाजपा प्रमुख ने कहा, ‘लोग झूठ का सहारा तब लेते हैं जब सचाई का अभाव होता है।’ महाभारत युद्ध के संदर्भ में कांग्रेस की तुलना कौरवों से करते हुए राजनाथ ने कहा कि वे पांडवों (भाजपा) को नहीं पराजित कर पाएंगे।
उन्होंने कहा कि भाजपा अब कांग्रेस से बड़ी पार्टी बन गई है और वह 2013 में मध्यप्रदेश चुनाव और 2014 में आम चुनाव में जीत दर्ज करेगी चाहे कांग्रेस कितने भी झूठ का सहारा क्यों न लें?
भाजपा अध्यक्ष ने भ्रष्टाचार, कीमतों में वृद्धि और आतंरिक सुरक्षा के मुद्दे पर संप्रग की आलोचना करते हुए राजग के छह वर्ष के कार्यकाल से इसकी तुलना की। उन्होंने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व वाली सरकार के दौरान जहां महंगाई काबू में रही, वहीं अब यह तेजी से बढ़ रही है और भ्रष्टाचार ने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। मध्यप्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने राहुल पर चुटकी लेते हुए कहा कि कांग्रेस उपाध्यक्ष उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और आंध्र प्रदेश के गांवों में गरीबों और दलितों के घर गए और उनकी खाट पर बैठ कर ‘पकौड़ा’ खाया।
उन्होंने कहा, ‘विकास तब होगा जब दलित खाट पर बैठेंगे...और ‘पकौड़ा’ खाएंगे। यह कहना कि हम भगवान राम है और तुम सबरी.. यह कांग्रेस की परंपरा हो सकती है, लेकिन भाजपा की नहीं।’टिप्पणियां
गौरतलब है कि सबरी रामायण में दलित महिला का चरित्र है, जिन्होंने भगवान राम को जूठे बेर खाने को दिए थे और जो इसके परिणामस्वरूप बंधन मुक्त हुई थी।
साल 2004 को याद करते हुए उमा ने कहा कि उन्होंने कहा था कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी केवल एक ही स्थिति में प्रधानमंत्री बन सकती हैं, जब भाजपा नेता स्वयं इटली की प्रधानमंत्री बन सकें।
खबरों में आए पटेल के इस बयान से कांग्रेस का पर्दाफाश होने का उल्लेख करते हुए भाजपा प्रमुख ने कहा, ‘लोग झूठ का सहारा तब लेते हैं जब सचाई का अभाव होता है।’ महाभारत युद्ध के संदर्भ में कांग्रेस की तुलना कौरवों से करते हुए राजनाथ ने कहा कि वे पांडवों (भाजपा) को नहीं पराजित कर पाएंगे।
उन्होंने कहा कि भाजपा अब कांग्रेस से बड़ी पार्टी बन गई है और वह 2013 में मध्यप्रदेश चुनाव और 2014 में आम चुनाव में जीत दर्ज करेगी चाहे कांग्रेस कितने भी झूठ का सहारा क्यों न लें?
भाजपा अध्यक्ष ने भ्रष्टाचार, कीमतों में वृद्धि और आतंरिक सुरक्षा के मुद्दे पर संप्रग की आलोचना करते हुए राजग के छह वर्ष के कार्यकाल से इसकी तुलना की। उन्होंने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व वाली सरकार के दौरान जहां महंगाई काबू में रही, वहीं अब यह तेजी से बढ़ रही है और भ्रष्टाचार ने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। मध्यप्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने राहुल पर चुटकी लेते हुए कहा कि कांग्रेस उपाध्यक्ष उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और आंध्र प्रदेश के गांवों में गरीबों और दलितों के घर गए और उनकी खाट पर बैठ कर ‘पकौड़ा’ खाया।
उन्होंने कहा, ‘विकास तब होगा जब दलित खाट पर बैठेंगे...और ‘पकौड़ा’ खाएंगे। यह कहना कि हम भगवान राम है और तुम सबरी.. यह कांग्रेस की परंपरा हो सकती है, लेकिन भाजपा की नहीं।’टिप्पणियां
गौरतलब है कि सबरी रामायण में दलित महिला का चरित्र है, जिन्होंने भगवान राम को जूठे बेर खाने को दिए थे और जो इसके परिणामस्वरूप बंधन मुक्त हुई थी।
साल 2004 को याद करते हुए उमा ने कहा कि उन्होंने कहा था कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी केवल एक ही स्थिति में प्रधानमंत्री बन सकती हैं, जब भाजपा नेता स्वयं इटली की प्रधानमंत्री बन सकें।
उन्होंने कहा कि भाजपा अब कांग्रेस से बड़ी पार्टी बन गई है और वह 2013 में मध्यप्रदेश चुनाव और 2014 में आम चुनाव में जीत दर्ज करेगी चाहे कांग्रेस कितने भी झूठ का सहारा क्यों न लें?
भाजपा अध्यक्ष ने भ्रष्टाचार, कीमतों में वृद्धि और आतंरिक सुरक्षा के मुद्दे पर संप्रग की आलोचना करते हुए राजग के छह वर्ष के कार्यकाल से इसकी तुलना की। उन्होंने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व वाली सरकार के दौरान जहां महंगाई काबू में रही, वहीं अब यह तेजी से बढ़ रही है और भ्रष्टाचार ने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। मध्यप्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने राहुल पर चुटकी लेते हुए कहा कि कांग्रेस उपाध्यक्ष उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और आंध्र प्रदेश के गांवों में गरीबों और दलितों के घर गए और उनकी खाट पर बैठ कर ‘पकौड़ा’ खाया।
उन्होंने कहा, ‘विकास तब होगा जब दलित खाट पर बैठेंगे...और ‘पकौड़ा’ खाएंगे। यह कहना कि हम भगवान राम है और तुम सबरी.. यह कांग्रेस की परंपरा हो सकती है, लेकिन भाजपा की नहीं।’टिप्पणियां
गौरतलब है कि सबरी रामायण में दलित महिला का चरित्र है, जिन्होंने भगवान राम को जूठे बेर खाने को दिए थे और जो इसके परिणामस्वरूप बंधन मुक्त हुई थी।
साल 2004 को याद करते हुए उमा ने कहा कि उन्होंने कहा था कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी केवल एक ही स्थिति में प्रधानमंत्री बन सकती हैं, जब भाजपा नेता स्वयं इटली की प्रधानमंत्री बन सकें।
उन्होंने कहा, ‘विकास तब होगा जब दलित खाट पर बैठेंगे...और ‘पकौड़ा’ खाएंगे। यह कहना कि हम भगवान राम है और तुम सबरी.. यह कांग्रेस की परंपरा हो सकती है, लेकिन भाजपा की नहीं।’टिप्पणियां
गौरतलब है कि सबरी रामायण में दलित महिला का चरित्र है, जिन्होंने भगवान राम को जूठे बेर खाने को दिए थे और जो इसके परिणामस्वरूप बंधन मुक्त हुई थी।
साल 2004 को याद करते हुए उमा ने कहा कि उन्होंने कहा था कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी केवल एक ही स्थिति में प्रधानमंत्री बन सकती हैं, जब भाजपा नेता स्वयं इटली की प्रधानमंत्री बन सकें।
गौरतलब है कि सबरी रामायण में दलित महिला का चरित्र है, जिन्होंने भगवान राम को जूठे बेर खाने को दिए थे और जो इसके परिणामस्वरूप बंधन मुक्त हुई थी।
साल 2004 को याद करते हुए उमा ने कहा कि उन्होंने कहा था कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी केवल एक ही स्थिति में प्रधानमंत्री बन सकती हैं, जब भाजपा नेता स्वयं इटली की प्रधानमंत्री बन सकें।
साल 2004 को याद करते हुए उमा ने कहा कि उन्होंने कहा था कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी केवल एक ही स्थिति में प्रधानमंत्री बन सकती हैं, जब भाजपा नेता स्वयं इटली की प्रधानमंत्री बन सकें। | यह एक सारांश है: राजनाथ ने यहां भाजपा की रैली को संबोधित करते हुए कहा, ‘अजमेर विस्फोट मामले में आरोपी भावेश पटेल ने अपने बयान में कहा है कि गृहमंत्री और पूर्व गृहराज्य मंत्री के साथ कांग्रेस के एक महासचिव ने उससे विस्फोट मामले में सरसंघचालक मोहन भागवत और वरिष्ठ प्रचारक इं | 21 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पश्चिम बंगाल के आसनसोल में एक छात्रा के साथ सामूहिक बलात्कार का मामला सामने आया है। खबर है कि पीड़ित छात्रा के साथ तीन लड़कों ने बलात्कार किया। यह लड़की फर्स्ट ईयर ईयर की छात्रा है और अपनी एक दोस्त के साथ बर्थडे पार्टी में गई थी।
यह पार्टी तृणमूल कांग्रेस छात्र परिषद के दफ्तर में हो रही थी, जो कॉलेज के कैंपस में है। तीनों आरोपियों ने कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ मिलाकर लड़की को दे दिया और फिर उसके साथ बलात्कार किया। आरोपियों ने लड़की की आपत्तिजनक तस्वीरें भी खींच लीं। पुलिस को इस मामले में आरोपियों के साथ-साथ उस सिक्योरिटी गार्ड की भी तलाश है, जो घटना के वक्त वहां मौजूद था।
यह पार्टी तृणमूल कांग्रेस छात्र परिषद के दफ्तर में हो रही थी, जो कॉलेज के कैंपस में है। तीनों आरोपियों ने कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ मिलाकर लड़की को दे दिया और फिर उसके साथ बलात्कार किया। आरोपियों ने लड़की की आपत्तिजनक तस्वीरें भी खींच लीं। पुलिस को इस मामले में आरोपियों के साथ-साथ उस सिक्योरिटी गार्ड की भी तलाश है, जो घटना के वक्त वहां मौजूद था। | संक्षिप्त पाठ: यह लड़की फर्स्ट ईयर ईयर की छात्रा है और अपनी एक दोस्त के साथ बर्थडे पार्टी में गई थी। यह पार्टी तृणमूल कांग्रेस छात्र परिषद के दफ्तर में हो रही थी, जो कॉलेज के कैंपस में है। | 14 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: लीबिया के राष्ट्रपति मुअम्मर कज्जाफी के बाब अल अजीजिया स्थित मुख्य परिसर समेत राजधानी त्रिपोली में शुक्रवार की तड़के कम से कम सात धमाकों की गूंज सुनाई पड़ी। त्रिपोली के एक होटल में ठहरे एपी संवाददाता ने कहा कि उसने विस्फोटों की गूंज सुनी और आकाश में धुआं उठते देखा। नाटो के लड़ाकू विमानों को आकाश में चक्कर काटते देखा गया। त्रिपोली निवासियों ने भी एपी को बताया कि राजधानी में हवाई अड्डे को जाने वाली सड़क पर कम से कम तीन विस्फोटों की आवाज सुनाई पड़ी। गत मार्च में लीबिया में नो फ्लाई जोन घोषित किए जाने के बाद से नाटो लीबिया में सैन्य ठिकानों पर बम बरसा रहा है। इसमें राष्ट्रपति कज्जाफी के बाब अल अजीजिया स्थित परिसर और उसके आस-पास के इलाके भी शामिल हैं। बाब अल अजीजिया लीबियाई नेता का प्रमुख मुख्यालय है और इसका सैन्य छा़वनी के तौर पर इस्तेमाल किया जाता है। राजधानी लीबिया से महज 48 किलोमीटर पश्चिम में लीबिया के पश्चिमी पर्वतीय क्षेत्र में संघर्ष कर रहे विपक्षी लड़ाकों ने कल देश के काम कर रही अंतिम तेल रिफाइनरी पर नियंत्रण करने का दावा किया था। यह कज्जाफी शासन के लिए बड़ा झटका है। यह रिफाइनरी सामरिक रूप से महत्वपूर्ण शहर जविया में है जहां विद्रोहियों ने सरकारी बलों के साथ लड़ाई में बड़ी सफलता हासिल की है। | यह एक सारांश है: लीबिया में कज्जाफी के बाब अल अजीजिया स्थित मुख्य परिसर समेत राजधानी त्रिपोली में शुक्रवार की तड़के कम से कम सात धमाकों की गूंज सुनाई पड़ी। | 16 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: पाकिस्तान के उत्तर पश्चिम में संयुक्त राष्ट्र समर्थित पोलियो टीकाकरण दलों पर बंदूकधारियों ने आज दोबारा हमले किए जिसमें दो और पोलियो कर्मचारी मारे गए जबकि छह अन्य घायल हो गए।
इससे पहले मंगलवार को कराची और पेशावर में छह स्वास्थ्य कर्मचारियों को गोलियों से भून दिया गया था।
अधिकारियों ने कहा कि राष्ट्रव्यापी पोलियो-रोधी अभियान चलाने में जुटे दलों पर खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के पेशावर, चारसाड्डा, और नौशेरा में हमले किए गए।
चारसाड्डा के शाबकदार इलाके में बंदूकधारी ने एक वाहन पर गोलियां चलाईं, जिससे पोलियो-रोधी अभियान की महिला निरीक्षक और उसके चालक की मौत हो गई।
सरकारी रेडियो पाकिस्तान की खबर के अनुसार, चारसाड्डा, नौशेरा और पेशावर में तीन अलग-अलग हमलों में पांच लोग घायल हो गए थे।
टीकाकरण दल में शामिल एक स्वयंसेवी पेशावर के दाउदजेई इलाके में हुए हमले में घायल हो गया था। इस स्वयंसेवी को पास के अस्पताल में ले जाया गया था।
टीवी चैनलों की खबर के अनुसार, बंदूकधारियों ने महिला स्वास्थ्यकर्मियों को चेतावनी दी थी कि अगर उन्होंने पोलियो रोधी अभियान के साथ काम जारी रखा तो उनकी हत्या कर दी जाएगी।
मंगलवार को पेशावर में एक 14 वर्षीय स्वयंसेवी की मौत और जारी हमलों के बावजूद खैबर पख्तूनख्वा के प्रशासन ने पोलियो रोधी अभियान को जारी रखने का फैसला किया है।
मंगलवार को कराची और पेशावर में हुए हमलों में पांच महिला स्वास्थ्य कर्मी मारी गई थीं। एक पुरुष स्वास्थ्य कर्मी की हत्या सोमवार को कराची में गोली मारकर कर दी गई थी। इससे पहले दो दिन में मरने वालों की संख्या कुल छह पहुंच गई।
विश्व स्वास्थ्य संगठन और यूनीसेफ ने कहा कि वे छह टीकाकर्मियों के मारे जाने के बावजूद पाकिस्तान में पोलियो-रोधी अभियान को जारी रखेंगे। हालांकि उन्होंने सरकार और समाज से स्वास्थ्यकर्मियों को सुरक्षा मुहैया कराने की पूरी कोशिश करने की अपील की।
मंगलवार को हुए हमलों के बाद सिंध प्रांत की सरकार ने टीकाकरण अभियान को निलंबित कर दिया। कराची सिंध प्रांत की राजधानी है।टिप्पणियां
पाकिस्तान उन तीन देशों में से एक है, जहां पोलियो आज भी एक महामारी के रूप में मौजूद है। दो अन्य देश अफगानिस्तान और नाइजीरिया हैं।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है।
इससे पहले मंगलवार को कराची और पेशावर में छह स्वास्थ्य कर्मचारियों को गोलियों से भून दिया गया था।
अधिकारियों ने कहा कि राष्ट्रव्यापी पोलियो-रोधी अभियान चलाने में जुटे दलों पर खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के पेशावर, चारसाड्डा, और नौशेरा में हमले किए गए।
चारसाड्डा के शाबकदार इलाके में बंदूकधारी ने एक वाहन पर गोलियां चलाईं, जिससे पोलियो-रोधी अभियान की महिला निरीक्षक और उसके चालक की मौत हो गई।
सरकारी रेडियो पाकिस्तान की खबर के अनुसार, चारसाड्डा, नौशेरा और पेशावर में तीन अलग-अलग हमलों में पांच लोग घायल हो गए थे।
टीकाकरण दल में शामिल एक स्वयंसेवी पेशावर के दाउदजेई इलाके में हुए हमले में घायल हो गया था। इस स्वयंसेवी को पास के अस्पताल में ले जाया गया था।
टीवी चैनलों की खबर के अनुसार, बंदूकधारियों ने महिला स्वास्थ्यकर्मियों को चेतावनी दी थी कि अगर उन्होंने पोलियो रोधी अभियान के साथ काम जारी रखा तो उनकी हत्या कर दी जाएगी।
मंगलवार को पेशावर में एक 14 वर्षीय स्वयंसेवी की मौत और जारी हमलों के बावजूद खैबर पख्तूनख्वा के प्रशासन ने पोलियो रोधी अभियान को जारी रखने का फैसला किया है।
मंगलवार को कराची और पेशावर में हुए हमलों में पांच महिला स्वास्थ्य कर्मी मारी गई थीं। एक पुरुष स्वास्थ्य कर्मी की हत्या सोमवार को कराची में गोली मारकर कर दी गई थी। इससे पहले दो दिन में मरने वालों की संख्या कुल छह पहुंच गई।
विश्व स्वास्थ्य संगठन और यूनीसेफ ने कहा कि वे छह टीकाकर्मियों के मारे जाने के बावजूद पाकिस्तान में पोलियो-रोधी अभियान को जारी रखेंगे। हालांकि उन्होंने सरकार और समाज से स्वास्थ्यकर्मियों को सुरक्षा मुहैया कराने की पूरी कोशिश करने की अपील की।
मंगलवार को हुए हमलों के बाद सिंध प्रांत की सरकार ने टीकाकरण अभियान को निलंबित कर दिया। कराची सिंध प्रांत की राजधानी है।टिप्पणियां
पाकिस्तान उन तीन देशों में से एक है, जहां पोलियो आज भी एक महामारी के रूप में मौजूद है। दो अन्य देश अफगानिस्तान और नाइजीरिया हैं।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है।
अधिकारियों ने कहा कि राष्ट्रव्यापी पोलियो-रोधी अभियान चलाने में जुटे दलों पर खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के पेशावर, चारसाड्डा, और नौशेरा में हमले किए गए।
चारसाड्डा के शाबकदार इलाके में बंदूकधारी ने एक वाहन पर गोलियां चलाईं, जिससे पोलियो-रोधी अभियान की महिला निरीक्षक और उसके चालक की मौत हो गई।
सरकारी रेडियो पाकिस्तान की खबर के अनुसार, चारसाड्डा, नौशेरा और पेशावर में तीन अलग-अलग हमलों में पांच लोग घायल हो गए थे।
टीकाकरण दल में शामिल एक स्वयंसेवी पेशावर के दाउदजेई इलाके में हुए हमले में घायल हो गया था। इस स्वयंसेवी को पास के अस्पताल में ले जाया गया था।
टीवी चैनलों की खबर के अनुसार, बंदूकधारियों ने महिला स्वास्थ्यकर्मियों को चेतावनी दी थी कि अगर उन्होंने पोलियो रोधी अभियान के साथ काम जारी रखा तो उनकी हत्या कर दी जाएगी।
मंगलवार को पेशावर में एक 14 वर्षीय स्वयंसेवी की मौत और जारी हमलों के बावजूद खैबर पख्तूनख्वा के प्रशासन ने पोलियो रोधी अभियान को जारी रखने का फैसला किया है।
मंगलवार को कराची और पेशावर में हुए हमलों में पांच महिला स्वास्थ्य कर्मी मारी गई थीं। एक पुरुष स्वास्थ्य कर्मी की हत्या सोमवार को कराची में गोली मारकर कर दी गई थी। इससे पहले दो दिन में मरने वालों की संख्या कुल छह पहुंच गई।
विश्व स्वास्थ्य संगठन और यूनीसेफ ने कहा कि वे छह टीकाकर्मियों के मारे जाने के बावजूद पाकिस्तान में पोलियो-रोधी अभियान को जारी रखेंगे। हालांकि उन्होंने सरकार और समाज से स्वास्थ्यकर्मियों को सुरक्षा मुहैया कराने की पूरी कोशिश करने की अपील की।
मंगलवार को हुए हमलों के बाद सिंध प्रांत की सरकार ने टीकाकरण अभियान को निलंबित कर दिया। कराची सिंध प्रांत की राजधानी है।टिप्पणियां
पाकिस्तान उन तीन देशों में से एक है, जहां पोलियो आज भी एक महामारी के रूप में मौजूद है। दो अन्य देश अफगानिस्तान और नाइजीरिया हैं।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है।
चारसाड्डा के शाबकदार इलाके में बंदूकधारी ने एक वाहन पर गोलियां चलाईं, जिससे पोलियो-रोधी अभियान की महिला निरीक्षक और उसके चालक की मौत हो गई।
सरकारी रेडियो पाकिस्तान की खबर के अनुसार, चारसाड्डा, नौशेरा और पेशावर में तीन अलग-अलग हमलों में पांच लोग घायल हो गए थे।
टीकाकरण दल में शामिल एक स्वयंसेवी पेशावर के दाउदजेई इलाके में हुए हमले में घायल हो गया था। इस स्वयंसेवी को पास के अस्पताल में ले जाया गया था।
टीवी चैनलों की खबर के अनुसार, बंदूकधारियों ने महिला स्वास्थ्यकर्मियों को चेतावनी दी थी कि अगर उन्होंने पोलियो रोधी अभियान के साथ काम जारी रखा तो उनकी हत्या कर दी जाएगी।
मंगलवार को पेशावर में एक 14 वर्षीय स्वयंसेवी की मौत और जारी हमलों के बावजूद खैबर पख्तूनख्वा के प्रशासन ने पोलियो रोधी अभियान को जारी रखने का फैसला किया है।
मंगलवार को कराची और पेशावर में हुए हमलों में पांच महिला स्वास्थ्य कर्मी मारी गई थीं। एक पुरुष स्वास्थ्य कर्मी की हत्या सोमवार को कराची में गोली मारकर कर दी गई थी। इससे पहले दो दिन में मरने वालों की संख्या कुल छह पहुंच गई।
विश्व स्वास्थ्य संगठन और यूनीसेफ ने कहा कि वे छह टीकाकर्मियों के मारे जाने के बावजूद पाकिस्तान में पोलियो-रोधी अभियान को जारी रखेंगे। हालांकि उन्होंने सरकार और समाज से स्वास्थ्यकर्मियों को सुरक्षा मुहैया कराने की पूरी कोशिश करने की अपील की।
मंगलवार को हुए हमलों के बाद सिंध प्रांत की सरकार ने टीकाकरण अभियान को निलंबित कर दिया। कराची सिंध प्रांत की राजधानी है।टिप्पणियां
पाकिस्तान उन तीन देशों में से एक है, जहां पोलियो आज भी एक महामारी के रूप में मौजूद है। दो अन्य देश अफगानिस्तान और नाइजीरिया हैं।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है।
सरकारी रेडियो पाकिस्तान की खबर के अनुसार, चारसाड्डा, नौशेरा और पेशावर में तीन अलग-अलग हमलों में पांच लोग घायल हो गए थे।
टीकाकरण दल में शामिल एक स्वयंसेवी पेशावर के दाउदजेई इलाके में हुए हमले में घायल हो गया था। इस स्वयंसेवी को पास के अस्पताल में ले जाया गया था।
टीवी चैनलों की खबर के अनुसार, बंदूकधारियों ने महिला स्वास्थ्यकर्मियों को चेतावनी दी थी कि अगर उन्होंने पोलियो रोधी अभियान के साथ काम जारी रखा तो उनकी हत्या कर दी जाएगी।
मंगलवार को पेशावर में एक 14 वर्षीय स्वयंसेवी की मौत और जारी हमलों के बावजूद खैबर पख्तूनख्वा के प्रशासन ने पोलियो रोधी अभियान को जारी रखने का फैसला किया है।
मंगलवार को कराची और पेशावर में हुए हमलों में पांच महिला स्वास्थ्य कर्मी मारी गई थीं। एक पुरुष स्वास्थ्य कर्मी की हत्या सोमवार को कराची में गोली मारकर कर दी गई थी। इससे पहले दो दिन में मरने वालों की संख्या कुल छह पहुंच गई।
विश्व स्वास्थ्य संगठन और यूनीसेफ ने कहा कि वे छह टीकाकर्मियों के मारे जाने के बावजूद पाकिस्तान में पोलियो-रोधी अभियान को जारी रखेंगे। हालांकि उन्होंने सरकार और समाज से स्वास्थ्यकर्मियों को सुरक्षा मुहैया कराने की पूरी कोशिश करने की अपील की।
मंगलवार को हुए हमलों के बाद सिंध प्रांत की सरकार ने टीकाकरण अभियान को निलंबित कर दिया। कराची सिंध प्रांत की राजधानी है।टिप्पणियां
पाकिस्तान उन तीन देशों में से एक है, जहां पोलियो आज भी एक महामारी के रूप में मौजूद है। दो अन्य देश अफगानिस्तान और नाइजीरिया हैं।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है।
टीकाकरण दल में शामिल एक स्वयंसेवी पेशावर के दाउदजेई इलाके में हुए हमले में घायल हो गया था। इस स्वयंसेवी को पास के अस्पताल में ले जाया गया था।
टीवी चैनलों की खबर के अनुसार, बंदूकधारियों ने महिला स्वास्थ्यकर्मियों को चेतावनी दी थी कि अगर उन्होंने पोलियो रोधी अभियान के साथ काम जारी रखा तो उनकी हत्या कर दी जाएगी।
मंगलवार को पेशावर में एक 14 वर्षीय स्वयंसेवी की मौत और जारी हमलों के बावजूद खैबर पख्तूनख्वा के प्रशासन ने पोलियो रोधी अभियान को जारी रखने का फैसला किया है।
मंगलवार को कराची और पेशावर में हुए हमलों में पांच महिला स्वास्थ्य कर्मी मारी गई थीं। एक पुरुष स्वास्थ्य कर्मी की हत्या सोमवार को कराची में गोली मारकर कर दी गई थी। इससे पहले दो दिन में मरने वालों की संख्या कुल छह पहुंच गई।
विश्व स्वास्थ्य संगठन और यूनीसेफ ने कहा कि वे छह टीकाकर्मियों के मारे जाने के बावजूद पाकिस्तान में पोलियो-रोधी अभियान को जारी रखेंगे। हालांकि उन्होंने सरकार और समाज से स्वास्थ्यकर्मियों को सुरक्षा मुहैया कराने की पूरी कोशिश करने की अपील की।
मंगलवार को हुए हमलों के बाद सिंध प्रांत की सरकार ने टीकाकरण अभियान को निलंबित कर दिया। कराची सिंध प्रांत की राजधानी है।टिप्पणियां
पाकिस्तान उन तीन देशों में से एक है, जहां पोलियो आज भी एक महामारी के रूप में मौजूद है। दो अन्य देश अफगानिस्तान और नाइजीरिया हैं।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है।
टीवी चैनलों की खबर के अनुसार, बंदूकधारियों ने महिला स्वास्थ्यकर्मियों को चेतावनी दी थी कि अगर उन्होंने पोलियो रोधी अभियान के साथ काम जारी रखा तो उनकी हत्या कर दी जाएगी।
मंगलवार को पेशावर में एक 14 वर्षीय स्वयंसेवी की मौत और जारी हमलों के बावजूद खैबर पख्तूनख्वा के प्रशासन ने पोलियो रोधी अभियान को जारी रखने का फैसला किया है।
मंगलवार को कराची और पेशावर में हुए हमलों में पांच महिला स्वास्थ्य कर्मी मारी गई थीं। एक पुरुष स्वास्थ्य कर्मी की हत्या सोमवार को कराची में गोली मारकर कर दी गई थी। इससे पहले दो दिन में मरने वालों की संख्या कुल छह पहुंच गई।
विश्व स्वास्थ्य संगठन और यूनीसेफ ने कहा कि वे छह टीकाकर्मियों के मारे जाने के बावजूद पाकिस्तान में पोलियो-रोधी अभियान को जारी रखेंगे। हालांकि उन्होंने सरकार और समाज से स्वास्थ्यकर्मियों को सुरक्षा मुहैया कराने की पूरी कोशिश करने की अपील की।
मंगलवार को हुए हमलों के बाद सिंध प्रांत की सरकार ने टीकाकरण अभियान को निलंबित कर दिया। कराची सिंध प्रांत की राजधानी है।टिप्पणियां
पाकिस्तान उन तीन देशों में से एक है, जहां पोलियो आज भी एक महामारी के रूप में मौजूद है। दो अन्य देश अफगानिस्तान और नाइजीरिया हैं।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है।
मंगलवार को पेशावर में एक 14 वर्षीय स्वयंसेवी की मौत और जारी हमलों के बावजूद खैबर पख्तूनख्वा के प्रशासन ने पोलियो रोधी अभियान को जारी रखने का फैसला किया है।
मंगलवार को कराची और पेशावर में हुए हमलों में पांच महिला स्वास्थ्य कर्मी मारी गई थीं। एक पुरुष स्वास्थ्य कर्मी की हत्या सोमवार को कराची में गोली मारकर कर दी गई थी। इससे पहले दो दिन में मरने वालों की संख्या कुल छह पहुंच गई।
विश्व स्वास्थ्य संगठन और यूनीसेफ ने कहा कि वे छह टीकाकर्मियों के मारे जाने के बावजूद पाकिस्तान में पोलियो-रोधी अभियान को जारी रखेंगे। हालांकि उन्होंने सरकार और समाज से स्वास्थ्यकर्मियों को सुरक्षा मुहैया कराने की पूरी कोशिश करने की अपील की।
मंगलवार को हुए हमलों के बाद सिंध प्रांत की सरकार ने टीकाकरण अभियान को निलंबित कर दिया। कराची सिंध प्रांत की राजधानी है।टिप्पणियां
पाकिस्तान उन तीन देशों में से एक है, जहां पोलियो आज भी एक महामारी के रूप में मौजूद है। दो अन्य देश अफगानिस्तान और नाइजीरिया हैं।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है।
मंगलवार को कराची और पेशावर में हुए हमलों में पांच महिला स्वास्थ्य कर्मी मारी गई थीं। एक पुरुष स्वास्थ्य कर्मी की हत्या सोमवार को कराची में गोली मारकर कर दी गई थी। इससे पहले दो दिन में मरने वालों की संख्या कुल छह पहुंच गई।
विश्व स्वास्थ्य संगठन और यूनीसेफ ने कहा कि वे छह टीकाकर्मियों के मारे जाने के बावजूद पाकिस्तान में पोलियो-रोधी अभियान को जारी रखेंगे। हालांकि उन्होंने सरकार और समाज से स्वास्थ्यकर्मियों को सुरक्षा मुहैया कराने की पूरी कोशिश करने की अपील की।
मंगलवार को हुए हमलों के बाद सिंध प्रांत की सरकार ने टीकाकरण अभियान को निलंबित कर दिया। कराची सिंध प्रांत की राजधानी है।टिप्पणियां
पाकिस्तान उन तीन देशों में से एक है, जहां पोलियो आज भी एक महामारी के रूप में मौजूद है। दो अन्य देश अफगानिस्तान और नाइजीरिया हैं।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है।
विश्व स्वास्थ्य संगठन और यूनीसेफ ने कहा कि वे छह टीकाकर्मियों के मारे जाने के बावजूद पाकिस्तान में पोलियो-रोधी अभियान को जारी रखेंगे। हालांकि उन्होंने सरकार और समाज से स्वास्थ्यकर्मियों को सुरक्षा मुहैया कराने की पूरी कोशिश करने की अपील की।
मंगलवार को हुए हमलों के बाद सिंध प्रांत की सरकार ने टीकाकरण अभियान को निलंबित कर दिया। कराची सिंध प्रांत की राजधानी है।टिप्पणियां
पाकिस्तान उन तीन देशों में से एक है, जहां पोलियो आज भी एक महामारी के रूप में मौजूद है। दो अन्य देश अफगानिस्तान और नाइजीरिया हैं।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है।
मंगलवार को हुए हमलों के बाद सिंध प्रांत की सरकार ने टीकाकरण अभियान को निलंबित कर दिया। कराची सिंध प्रांत की राजधानी है।टिप्पणियां
पाकिस्तान उन तीन देशों में से एक है, जहां पोलियो आज भी एक महामारी के रूप में मौजूद है। दो अन्य देश अफगानिस्तान और नाइजीरिया हैं।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है।
पाकिस्तान उन तीन देशों में से एक है, जहां पोलियो आज भी एक महामारी के रूप में मौजूद है। दो अन्य देश अफगानिस्तान और नाइजीरिया हैं।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है।
पोलियो रोधी अभियानों के कर्मचारियों पर हुए इन हमलों की जिम्मेदारी किसी भी समूह ने नहीं ली है, लेकिन पाकिस्तानी तालिबान पहले टीकाकर्मियों को धमका चुका है। | यह एक सारांश है: पाकिस्तान के उत्तर पश्चिम में संयुक्त राष्ट्र समर्थित पोलियो टीकाकरण दलों पर बंदूकधारियों ने आज दोबारा हमले किए जिसमें दो और पोलियो कर्मचारी मारे गए, जबकि छह अन्य घायल हो गए। | 2 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: डीजल, कुकिंग गैस और केरोसिन की कीमतों में हुई बढ़ोतरी का देशभर में व्यापक विरोध हुआ है। इस सिलसिले में भाजपा ने जहां देशभर में रैलियां निकालीं वहीं प. बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने ईंधन के दामों में हुई बढ़ोतरी का विरोध करते हुए कहा कि इससे आम आदमी की मुश्किलों में इजाफा होगा। यूपीए की एक महत्वपूर्ण सहयोगी तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ममता ने कहा, हम ईंधन के दामों में बार-बार बढ़ोतरी का समर्थन नहीं करेंगे। इससे आम आदमी की दिक्कतों में और इजाफा होगा। हमने अपने नजरिये को वहां जता दिया है, जहां इसे जताया जाना चाहिए। ममता ने कहा कि ईंधन के दाम पहले ही काफी अधिक हैं। उन्होंने कहा कि आम आदमी केरोसिन और घरेलू गैस का इस्तेमाल करता है। पेट्रोल के दामों में भी हाल में बढ़ोतरी की गई थी। उन्होंने कहा, कि सरकार को ईंधन के दामों में बढ़ोतरी करने से पहले कई बार सोचना चाहिए। भाजपा के उपाध्यक्ष मुख्तार अब्बास नकवी ने आरोप लगाया कि सरकार ने तेल की कीमतों में बढ़ोतरी तेल माफिया के हितों को ध्यान में रखते हुए उठाया है। उन्होंने कहा कि पिछले एक साल में सरकार ने 10 बार कीमतों में बढ़ोतरी की है। ऐसे समय में जब आम लोग महंगाई से जूझ रही है, सरकार ने तेल की कीमतों में बढ़ोतरी कर जले पर नमक छिड़कने का काम किया है। तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जयललिता ने तेल की कीमतों में बढ़ोतरी को अस्वीकार्य बताते हुए तुरंत ही की कीमतों में बढ़ोतरी को वापस लेने को कहा है। जयललिता ने एक बयान में बताया कि सभी लोगों द्वारा उपयोग किए जाने वाले एलपीजी की कीमतों में 50 रुपये की बढ़ोतरी कर दी गई है। जनता इसका बोझ नहीं उठा सकती है। केरोसीन की कीमतों में भी बढ़ोतरी कर दी गई है। इससे मुख्य रूप से गरीब लोगों पर काफी असर पड़ेगा, जो कि केरोसीन के प्रमुख उपभोक्ता हैं। वामदलों ने कहा है कि वे डीजल, केरोसिन और रसोई गैस के दामों में वृद्धि के खिलाफ राष्ट्रव्यापी विरोध प्रदर्शन करेंगे। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के पोलित ब्यूरो सदस्य सीताराम येचुरी ने कहा कि शुल्क में जो कटौती की गई है, वह काफी नहीं है। उन्होंने कहा कि जब सरकार ने पेट्रोलियम पदार्थों के दाम को नियंत्रणमुक्त किया था, तब उन्होंने उन पर शून्य शुल्क का वादा किया था। वह अपने वादा पर टिकी नहीं रही। इसके बजाय, वह जनता पर बोझ डाल रही है। यह बिल्कुल अस्वीकार्य है। उधर, कोलकाता में वाममोर्चा के अध्यक्ष विमान बोस ने कहा कि ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी से गरीब और मध्य वर्ग की दिक्कतें बढ़ेंगी।(कुछ अंश भाषा से) | डीजल, कुकिंग गैस और केरोसिन की कीमतों में हुई बढ़ोतरी का देशभर में व्यापक विरोध हुआ है। इस सिलसिले में भाजपा ने दिल्ली में रैली निकाली। | 26 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) ने आज राष्ट्रीय राजधानी में एक नई बस सेवा 'आम आदमी बायपास एक्सप्रेस' शुरू की।
इस सेवा के तहत बसें उत्तम नगर बस टर्मिनल से सराय काले खां आईएसबीटी तक चलेंगी जिससे तीन राष्ट्रीय राजमार्ग एनएच-1, एनएच-10 और एनएच-24 आपस में जुड़ेंगे।
परिवहन मंत्री सत्येंद्र जैन ने कहा कि प्रयोग के स्तर पर विकासपुरी से वजीराबाद एक सिग्नलमुक्त एलेवेटेड कोरिडोर पर 20 बसें चलेंगी जिनमें 10 वातानुकूलित होंगी।टिप्पणियां
डीटीसी के एक अधिकारी ने कहा कि नई बस सेवा प्रतिदिन उत्तम नगर बस टर्मिनल से सुबह 5:18 बजे शुरू होगी, जबकि सराय काले खां आईएसबीटी से सुबह 5:24 बजे शुरू होगी। (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
इस सेवा के तहत बसें उत्तम नगर बस टर्मिनल से सराय काले खां आईएसबीटी तक चलेंगी जिससे तीन राष्ट्रीय राजमार्ग एनएच-1, एनएच-10 और एनएच-24 आपस में जुड़ेंगे।
परिवहन मंत्री सत्येंद्र जैन ने कहा कि प्रयोग के स्तर पर विकासपुरी से वजीराबाद एक सिग्नलमुक्त एलेवेटेड कोरिडोर पर 20 बसें चलेंगी जिनमें 10 वातानुकूलित होंगी।टिप्पणियां
डीटीसी के एक अधिकारी ने कहा कि नई बस सेवा प्रतिदिन उत्तम नगर बस टर्मिनल से सुबह 5:18 बजे शुरू होगी, जबकि सराय काले खां आईएसबीटी से सुबह 5:24 बजे शुरू होगी। (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
परिवहन मंत्री सत्येंद्र जैन ने कहा कि प्रयोग के स्तर पर विकासपुरी से वजीराबाद एक सिग्नलमुक्त एलेवेटेड कोरिडोर पर 20 बसें चलेंगी जिनमें 10 वातानुकूलित होंगी।टिप्पणियां
डीटीसी के एक अधिकारी ने कहा कि नई बस सेवा प्रतिदिन उत्तम नगर बस टर्मिनल से सुबह 5:18 बजे शुरू होगी, जबकि सराय काले खां आईएसबीटी से सुबह 5:24 बजे शुरू होगी। (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
डीटीसी के एक अधिकारी ने कहा कि नई बस सेवा प्रतिदिन उत्तम नगर बस टर्मिनल से सुबह 5:18 बजे शुरू होगी, जबकि सराय काले खां आईएसबीटी से सुबह 5:24 बजे शुरू होगी। (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | संक्षिप्त सारांश: उत्तम नगर बस टर्मिनल से सराय काले खां आईएसबीटी तक चलेंगी
तीन राष्ट्रीय राजमार्ग एनएच-1, एनएच-10 और एनएच-24 आपस में जुड़ेंगे
प्रतिदिन सुबह सवा पांच बजे के आस-पास ये सेवा शुरू होगी | 10 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: रक्षा मंत्री एके एंटनी ने सोमवार को अफगानिस्तान-पाकिस्तान के हालात को 'अनवरत चिंता का विषय' बताया और सेना के शीर्ष अधिकारियों से कहा कि काबुल में तालिबान के ताजा हमलों के मद्देनजर सतर्क रहें और उचित उपाय करें।
एंटनी ने सेना के कमान अधिकारियों के द्विवार्षिक सम्मेलन को सम्बोधित करते हुए कहा कि अफगानिस्तान को मदद व सहायता मुहैया कराने के अपने वादे के प्रति भारत अटल है, ताकि अफगानिस्तान बहुलवाद से समृद्ध और अंतरराष्ट्रीय हस्तक्षेप से मुक्त एक स्थिर देश बन सके।
ज्ञात हो कि तालिबान आतंकवादियों ने रविवार को काबुल में प्रमुख केंद्रों पर सुनियोजित हमले किए। यह हमला 18 घंटे बाद सोमवार को तब समाप्त हुआ, जब एक हमलावर को छोड़कर बाकी सभी हमलावर मार दिए गए।
एंटनी ने रक्षा बलों और अन्य सभी सुरक्षा एजेंसियों से आह्वान किया कि वे सभी तरह की सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए तैयार रहें।
रक्षा मंत्री ने कहा, "अन्य ताकतों के साथ जुड़े रहने और नीति निर्धारण में स्वायत्तता बनाए रखने की आवश्यकताओं को संतुलित करना हमारे समय की एक सबसे महत्वपूर्ण चुनौती है।"
सशस्त्र बलों के आधुनिकीकरण के लिए चीन द्वारा रक्षा खर्च में की गई अत्यधिक वृद्धि का जिक्र करते हुए एंटनी ने कहा, "अपनी तरफ हम अपनी अधोसंरचना को लगातार मजबूत करते रहेंगे और सीमावर्ती इलाकों में अपनी क्षमताएं बढ़ाते रहेंगे। हालांकि हमारे प्रयास हमारे सुरक्षा हितों की हिफाजत करने पर केंद्रित हैं और अन्य देश जो कर रहे हैं, उससे निर्देशित नहीं हैं।"टिप्पणियां
एंटनी ने कहा, "सेना के कई प्रस्ताव क्रियान्वयन की प्रक्रिया में हैं। कुछ अन्य प्रस्तावों को कुछ ही दिनों में मंजूरी मिलने वाली है। हम किसी भी चुनौती से सफलतापूर्वक निपटने के लिए अपनी रक्षा क्षमता बढ़ाने और उसका आधुनिकीकरण करने के लिए हर तरह की मदद मुहैया कराएंगे।"
एंटनी ने जम्मू एवं कश्मीर में सुरक्षा हालात को स्थिर बताते हुए कहा कि यह सुरक्षा बलों के अथक प्रयासों का प्रत्यक्ष परिणाम है।
एंटनी ने सेना के कमान अधिकारियों के द्विवार्षिक सम्मेलन को सम्बोधित करते हुए कहा कि अफगानिस्तान को मदद व सहायता मुहैया कराने के अपने वादे के प्रति भारत अटल है, ताकि अफगानिस्तान बहुलवाद से समृद्ध और अंतरराष्ट्रीय हस्तक्षेप से मुक्त एक स्थिर देश बन सके।
ज्ञात हो कि तालिबान आतंकवादियों ने रविवार को काबुल में प्रमुख केंद्रों पर सुनियोजित हमले किए। यह हमला 18 घंटे बाद सोमवार को तब समाप्त हुआ, जब एक हमलावर को छोड़कर बाकी सभी हमलावर मार दिए गए।
एंटनी ने रक्षा बलों और अन्य सभी सुरक्षा एजेंसियों से आह्वान किया कि वे सभी तरह की सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए तैयार रहें।
रक्षा मंत्री ने कहा, "अन्य ताकतों के साथ जुड़े रहने और नीति निर्धारण में स्वायत्तता बनाए रखने की आवश्यकताओं को संतुलित करना हमारे समय की एक सबसे महत्वपूर्ण चुनौती है।"
सशस्त्र बलों के आधुनिकीकरण के लिए चीन द्वारा रक्षा खर्च में की गई अत्यधिक वृद्धि का जिक्र करते हुए एंटनी ने कहा, "अपनी तरफ हम अपनी अधोसंरचना को लगातार मजबूत करते रहेंगे और सीमावर्ती इलाकों में अपनी क्षमताएं बढ़ाते रहेंगे। हालांकि हमारे प्रयास हमारे सुरक्षा हितों की हिफाजत करने पर केंद्रित हैं और अन्य देश जो कर रहे हैं, उससे निर्देशित नहीं हैं।"टिप्पणियां
एंटनी ने कहा, "सेना के कई प्रस्ताव क्रियान्वयन की प्रक्रिया में हैं। कुछ अन्य प्रस्तावों को कुछ ही दिनों में मंजूरी मिलने वाली है। हम किसी भी चुनौती से सफलतापूर्वक निपटने के लिए अपनी रक्षा क्षमता बढ़ाने और उसका आधुनिकीकरण करने के लिए हर तरह की मदद मुहैया कराएंगे।"
एंटनी ने जम्मू एवं कश्मीर में सुरक्षा हालात को स्थिर बताते हुए कहा कि यह सुरक्षा बलों के अथक प्रयासों का प्रत्यक्ष परिणाम है।
ज्ञात हो कि तालिबान आतंकवादियों ने रविवार को काबुल में प्रमुख केंद्रों पर सुनियोजित हमले किए। यह हमला 18 घंटे बाद सोमवार को तब समाप्त हुआ, जब एक हमलावर को छोड़कर बाकी सभी हमलावर मार दिए गए।
एंटनी ने रक्षा बलों और अन्य सभी सुरक्षा एजेंसियों से आह्वान किया कि वे सभी तरह की सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए तैयार रहें।
रक्षा मंत्री ने कहा, "अन्य ताकतों के साथ जुड़े रहने और नीति निर्धारण में स्वायत्तता बनाए रखने की आवश्यकताओं को संतुलित करना हमारे समय की एक सबसे महत्वपूर्ण चुनौती है।"
सशस्त्र बलों के आधुनिकीकरण के लिए चीन द्वारा रक्षा खर्च में की गई अत्यधिक वृद्धि का जिक्र करते हुए एंटनी ने कहा, "अपनी तरफ हम अपनी अधोसंरचना को लगातार मजबूत करते रहेंगे और सीमावर्ती इलाकों में अपनी क्षमताएं बढ़ाते रहेंगे। हालांकि हमारे प्रयास हमारे सुरक्षा हितों की हिफाजत करने पर केंद्रित हैं और अन्य देश जो कर रहे हैं, उससे निर्देशित नहीं हैं।"टिप्पणियां
एंटनी ने कहा, "सेना के कई प्रस्ताव क्रियान्वयन की प्रक्रिया में हैं। कुछ अन्य प्रस्तावों को कुछ ही दिनों में मंजूरी मिलने वाली है। हम किसी भी चुनौती से सफलतापूर्वक निपटने के लिए अपनी रक्षा क्षमता बढ़ाने और उसका आधुनिकीकरण करने के लिए हर तरह की मदद मुहैया कराएंगे।"
एंटनी ने जम्मू एवं कश्मीर में सुरक्षा हालात को स्थिर बताते हुए कहा कि यह सुरक्षा बलों के अथक प्रयासों का प्रत्यक्ष परिणाम है।
एंटनी ने रक्षा बलों और अन्य सभी सुरक्षा एजेंसियों से आह्वान किया कि वे सभी तरह की सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए तैयार रहें।
रक्षा मंत्री ने कहा, "अन्य ताकतों के साथ जुड़े रहने और नीति निर्धारण में स्वायत्तता बनाए रखने की आवश्यकताओं को संतुलित करना हमारे समय की एक सबसे महत्वपूर्ण चुनौती है।"
सशस्त्र बलों के आधुनिकीकरण के लिए चीन द्वारा रक्षा खर्च में की गई अत्यधिक वृद्धि का जिक्र करते हुए एंटनी ने कहा, "अपनी तरफ हम अपनी अधोसंरचना को लगातार मजबूत करते रहेंगे और सीमावर्ती इलाकों में अपनी क्षमताएं बढ़ाते रहेंगे। हालांकि हमारे प्रयास हमारे सुरक्षा हितों की हिफाजत करने पर केंद्रित हैं और अन्य देश जो कर रहे हैं, उससे निर्देशित नहीं हैं।"टिप्पणियां
एंटनी ने कहा, "सेना के कई प्रस्ताव क्रियान्वयन की प्रक्रिया में हैं। कुछ अन्य प्रस्तावों को कुछ ही दिनों में मंजूरी मिलने वाली है। हम किसी भी चुनौती से सफलतापूर्वक निपटने के लिए अपनी रक्षा क्षमता बढ़ाने और उसका आधुनिकीकरण करने के लिए हर तरह की मदद मुहैया कराएंगे।"
एंटनी ने जम्मू एवं कश्मीर में सुरक्षा हालात को स्थिर बताते हुए कहा कि यह सुरक्षा बलों के अथक प्रयासों का प्रत्यक्ष परिणाम है।
रक्षा मंत्री ने कहा, "अन्य ताकतों के साथ जुड़े रहने और नीति निर्धारण में स्वायत्तता बनाए रखने की आवश्यकताओं को संतुलित करना हमारे समय की एक सबसे महत्वपूर्ण चुनौती है।"
सशस्त्र बलों के आधुनिकीकरण के लिए चीन द्वारा रक्षा खर्च में की गई अत्यधिक वृद्धि का जिक्र करते हुए एंटनी ने कहा, "अपनी तरफ हम अपनी अधोसंरचना को लगातार मजबूत करते रहेंगे और सीमावर्ती इलाकों में अपनी क्षमताएं बढ़ाते रहेंगे। हालांकि हमारे प्रयास हमारे सुरक्षा हितों की हिफाजत करने पर केंद्रित हैं और अन्य देश जो कर रहे हैं, उससे निर्देशित नहीं हैं।"टिप्पणियां
एंटनी ने कहा, "सेना के कई प्रस्ताव क्रियान्वयन की प्रक्रिया में हैं। कुछ अन्य प्रस्तावों को कुछ ही दिनों में मंजूरी मिलने वाली है। हम किसी भी चुनौती से सफलतापूर्वक निपटने के लिए अपनी रक्षा क्षमता बढ़ाने और उसका आधुनिकीकरण करने के लिए हर तरह की मदद मुहैया कराएंगे।"
एंटनी ने जम्मू एवं कश्मीर में सुरक्षा हालात को स्थिर बताते हुए कहा कि यह सुरक्षा बलों के अथक प्रयासों का प्रत्यक्ष परिणाम है।
सशस्त्र बलों के आधुनिकीकरण के लिए चीन द्वारा रक्षा खर्च में की गई अत्यधिक वृद्धि का जिक्र करते हुए एंटनी ने कहा, "अपनी तरफ हम अपनी अधोसंरचना को लगातार मजबूत करते रहेंगे और सीमावर्ती इलाकों में अपनी क्षमताएं बढ़ाते रहेंगे। हालांकि हमारे प्रयास हमारे सुरक्षा हितों की हिफाजत करने पर केंद्रित हैं और अन्य देश जो कर रहे हैं, उससे निर्देशित नहीं हैं।"टिप्पणियां
एंटनी ने कहा, "सेना के कई प्रस्ताव क्रियान्वयन की प्रक्रिया में हैं। कुछ अन्य प्रस्तावों को कुछ ही दिनों में मंजूरी मिलने वाली है। हम किसी भी चुनौती से सफलतापूर्वक निपटने के लिए अपनी रक्षा क्षमता बढ़ाने और उसका आधुनिकीकरण करने के लिए हर तरह की मदद मुहैया कराएंगे।"
एंटनी ने जम्मू एवं कश्मीर में सुरक्षा हालात को स्थिर बताते हुए कहा कि यह सुरक्षा बलों के अथक प्रयासों का प्रत्यक्ष परिणाम है।
एंटनी ने कहा, "सेना के कई प्रस्ताव क्रियान्वयन की प्रक्रिया में हैं। कुछ अन्य प्रस्तावों को कुछ ही दिनों में मंजूरी मिलने वाली है। हम किसी भी चुनौती से सफलतापूर्वक निपटने के लिए अपनी रक्षा क्षमता बढ़ाने और उसका आधुनिकीकरण करने के लिए हर तरह की मदद मुहैया कराएंगे।"
एंटनी ने जम्मू एवं कश्मीर में सुरक्षा हालात को स्थिर बताते हुए कहा कि यह सुरक्षा बलों के अथक प्रयासों का प्रत्यक्ष परिणाम है।
एंटनी ने जम्मू एवं कश्मीर में सुरक्षा हालात को स्थिर बताते हुए कहा कि यह सुरक्षा बलों के अथक प्रयासों का प्रत्यक्ष परिणाम है। | रक्षा मंत्री एके एंटनी ने सोमवार को अफगानिस्तान-पाकिस्तान के हालात को 'अनवरत चिंता का विषय' बताया और सेना के शीर्ष अधिकारियों से कहा कि काबुल में तालिबान के ताजा हमलों के मद्देनजर सतर्क रहें और उचित उपाय करें। | 6 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर डी. सुब्बाराव ने सेवानिवृत्ति से कुछ दिन पहले शुक्रवार को वित्तमंत्री के साथ अपने मतभेदों को उजागर कर दिया।
उन्होंने वित्तमंत्री पी चिदंबरम के उस वक्तव्य पर टिप्पणी की, जिसमें चिदंबरम ने कहा था कि आर्थिक वृद्धि बनाए रखने के लिए वह (सरकार) अकेले ही बढ़ना पसंद करेंगे। चिदंबरम ने यह टिप्पणी रिजर्व बैंक की लगातार सख्त मौद्रिक नीति को देखते हुए की थी।
रिजर्व बैंक गवर्नर का पद छोड़ने से एक सप्ताह पहले सुब्बाराव ने सरकार और रिजर्व बैंक के बीच मतभेदों को लेकर मीडिया में कई खबरें आने का जिक्र किया। रिजर्व बैंक की स्वायत्तता और जवाबदेही को लेकर भी काफी खबरें प्रकाशित हुई हैं।टिप्पणियां
सुब्बाराव ने कहा, जर्मनी के पूर्व चांसलर गेरार्ड श्रोएडर ने एक बार कहा था, मैं अक्सर बंडसबैंक को लेकर परेशान हो जाता हूं, लेकिन भगवान का शुक्र है कि यह है। उन्होंने कहा, मुझे भी उम्मीद है कि वित्तमंत्री चिदंबरम भी एक दिन कहेंगे, "मैं अक्सर रिजर्व बैंक की वजह से हताश होता हूं, इतना परेशान होता हूं कि मैं बाहर निकल जाना चाहता हूं, चाहे मुझे अकेले ही चलना पड़े, लेकिन भगवान का शुक्र है कि रिजर्व बैंक है।"
सुब्बाराव ऐसा कहते हुए चिदंबरम के उस वक्तव्य का ही संदर्भ दे रहे थे, जब उन्होंने पिछले साल अक्टूबर में कहा था, "यदि सरकार को आर्थिक वृद्धि की खातिर अकेले ही चलना होगा, तो वह अकेले ही आगे बढ़ेगी।" रिजर्व बैंक की मुद्रास्फीति की चिंता में सख्त मौद्रिक नीति को जारी रखने से चिदंबरम उस समय परेशान थे। सरकार की राजकोषीय मजबूती के लिए पंचवर्षीय कार्ययोजना पेश किए जाने के बावजूद रिजर्व बैंक ने उच्च ब्याज दर की नीति को जारी रखा था।
उन्होंने वित्तमंत्री पी चिदंबरम के उस वक्तव्य पर टिप्पणी की, जिसमें चिदंबरम ने कहा था कि आर्थिक वृद्धि बनाए रखने के लिए वह (सरकार) अकेले ही बढ़ना पसंद करेंगे। चिदंबरम ने यह टिप्पणी रिजर्व बैंक की लगातार सख्त मौद्रिक नीति को देखते हुए की थी।
रिजर्व बैंक गवर्नर का पद छोड़ने से एक सप्ताह पहले सुब्बाराव ने सरकार और रिजर्व बैंक के बीच मतभेदों को लेकर मीडिया में कई खबरें आने का जिक्र किया। रिजर्व बैंक की स्वायत्तता और जवाबदेही को लेकर भी काफी खबरें प्रकाशित हुई हैं।टिप्पणियां
सुब्बाराव ने कहा, जर्मनी के पूर्व चांसलर गेरार्ड श्रोएडर ने एक बार कहा था, मैं अक्सर बंडसबैंक को लेकर परेशान हो जाता हूं, लेकिन भगवान का शुक्र है कि यह है। उन्होंने कहा, मुझे भी उम्मीद है कि वित्तमंत्री चिदंबरम भी एक दिन कहेंगे, "मैं अक्सर रिजर्व बैंक की वजह से हताश होता हूं, इतना परेशान होता हूं कि मैं बाहर निकल जाना चाहता हूं, चाहे मुझे अकेले ही चलना पड़े, लेकिन भगवान का शुक्र है कि रिजर्व बैंक है।"
सुब्बाराव ऐसा कहते हुए चिदंबरम के उस वक्तव्य का ही संदर्भ दे रहे थे, जब उन्होंने पिछले साल अक्टूबर में कहा था, "यदि सरकार को आर्थिक वृद्धि की खातिर अकेले ही चलना होगा, तो वह अकेले ही आगे बढ़ेगी।" रिजर्व बैंक की मुद्रास्फीति की चिंता में सख्त मौद्रिक नीति को जारी रखने से चिदंबरम उस समय परेशान थे। सरकार की राजकोषीय मजबूती के लिए पंचवर्षीय कार्ययोजना पेश किए जाने के बावजूद रिजर्व बैंक ने उच्च ब्याज दर की नीति को जारी रखा था।
रिजर्व बैंक गवर्नर का पद छोड़ने से एक सप्ताह पहले सुब्बाराव ने सरकार और रिजर्व बैंक के बीच मतभेदों को लेकर मीडिया में कई खबरें आने का जिक्र किया। रिजर्व बैंक की स्वायत्तता और जवाबदेही को लेकर भी काफी खबरें प्रकाशित हुई हैं।टिप्पणियां
सुब्बाराव ने कहा, जर्मनी के पूर्व चांसलर गेरार्ड श्रोएडर ने एक बार कहा था, मैं अक्सर बंडसबैंक को लेकर परेशान हो जाता हूं, लेकिन भगवान का शुक्र है कि यह है। उन्होंने कहा, मुझे भी उम्मीद है कि वित्तमंत्री चिदंबरम भी एक दिन कहेंगे, "मैं अक्सर रिजर्व बैंक की वजह से हताश होता हूं, इतना परेशान होता हूं कि मैं बाहर निकल जाना चाहता हूं, चाहे मुझे अकेले ही चलना पड़े, लेकिन भगवान का शुक्र है कि रिजर्व बैंक है।"
सुब्बाराव ऐसा कहते हुए चिदंबरम के उस वक्तव्य का ही संदर्भ दे रहे थे, जब उन्होंने पिछले साल अक्टूबर में कहा था, "यदि सरकार को आर्थिक वृद्धि की खातिर अकेले ही चलना होगा, तो वह अकेले ही आगे बढ़ेगी।" रिजर्व बैंक की मुद्रास्फीति की चिंता में सख्त मौद्रिक नीति को जारी रखने से चिदंबरम उस समय परेशान थे। सरकार की राजकोषीय मजबूती के लिए पंचवर्षीय कार्ययोजना पेश किए जाने के बावजूद रिजर्व बैंक ने उच्च ब्याज दर की नीति को जारी रखा था।
सुब्बाराव ने कहा, जर्मनी के पूर्व चांसलर गेरार्ड श्रोएडर ने एक बार कहा था, मैं अक्सर बंडसबैंक को लेकर परेशान हो जाता हूं, लेकिन भगवान का शुक्र है कि यह है। उन्होंने कहा, मुझे भी उम्मीद है कि वित्तमंत्री चिदंबरम भी एक दिन कहेंगे, "मैं अक्सर रिजर्व बैंक की वजह से हताश होता हूं, इतना परेशान होता हूं कि मैं बाहर निकल जाना चाहता हूं, चाहे मुझे अकेले ही चलना पड़े, लेकिन भगवान का शुक्र है कि रिजर्व बैंक है।"
सुब्बाराव ऐसा कहते हुए चिदंबरम के उस वक्तव्य का ही संदर्भ दे रहे थे, जब उन्होंने पिछले साल अक्टूबर में कहा था, "यदि सरकार को आर्थिक वृद्धि की खातिर अकेले ही चलना होगा, तो वह अकेले ही आगे बढ़ेगी।" रिजर्व बैंक की मुद्रास्फीति की चिंता में सख्त मौद्रिक नीति को जारी रखने से चिदंबरम उस समय परेशान थे। सरकार की राजकोषीय मजबूती के लिए पंचवर्षीय कार्ययोजना पेश किए जाने के बावजूद रिजर्व बैंक ने उच्च ब्याज दर की नीति को जारी रखा था।
सुब्बाराव ऐसा कहते हुए चिदंबरम के उस वक्तव्य का ही संदर्भ दे रहे थे, जब उन्होंने पिछले साल अक्टूबर में कहा था, "यदि सरकार को आर्थिक वृद्धि की खातिर अकेले ही चलना होगा, तो वह अकेले ही आगे बढ़ेगी।" रिजर्व बैंक की मुद्रास्फीति की चिंता में सख्त मौद्रिक नीति को जारी रखने से चिदंबरम उस समय परेशान थे। सरकार की राजकोषीय मजबूती के लिए पंचवर्षीय कार्ययोजना पेश किए जाने के बावजूद रिजर्व बैंक ने उच्च ब्याज दर की नीति को जारी रखा था। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: रिजर्व बैंक के गवर्नर डी सुब्बाराव ने सेवानिवृत्ति से कुछ दिन पहले वित्तमंत्री के साथ अपने मतभेदों को उजागर कर दिया। उन्होंने वित्तमंत्री चिदंबरम के उस वक्तव्य पर टिप्पणी की, जिसमें चिदंबरम ने कहा था कि आर्थिक वृद्धि बनाए रखने के लिए वह (सरकार) अकेले ही ब | 11 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: व्हाइट हाउस का कहना है कि सीरियाई विपक्षी समिति (एसओसी) सीरियाई लोगों की एक वैध प्रतिनिधि है। इसके साथ ही उसने कहा कि वह इस समिति के किसी खास व्यक्ति या इसके अंदर के किसी खास समूह का समर्थन नहीं करता है।
व्हाइट हाउस के प्रवक्ता जे कर्नी ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘हम सीरियाई विपक्षी गठबंधन का समर्थन करते हैं। हम मानते हैं कि सीरिया में विपक्षी दलों का यह एक वैध प्रतिनिधि है। राष्ट्रपति असद के शासन से वहां लोगों को छुटकारा दिलाएगा। असद के हाथ अपने ही लोगों के खून से सने हुए हैं।’’
कर्नी ने कहा कि अमेरिका इस युद्धग्रस्त देश के नागरिकों की मानवीय मदद जारी रखेगा और यहां के विपक्षी दलों को मदद देता रहेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्षी दलों की गैर घातक सहायता के तहत नागरिक कार्यकर्ताओं की छमता के विकास के लिए साजो सामान व प्रशिक्षण प्रदान करना और सीरियाई लोगों को एसओसी व दूसरी समन्वय समिति से जोड़ने जैसे कार्य शामिल हैं। टिप्पणियां
इस बीच, गृह विभाग के प्रवक्ता पैट्रिक वेंट्रेल ने कहा कि अमेरिका चाहता है कि सीरियाई विपक्ष अपने नेतृत्व से जुड़ा मसला जल्द से जल्द सुलझा ले।
संवाददाता सम्मेलन के दौरान पूछे गए एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा, ‘हमारा समर्थन इस संगठन को है, न की किसी खास व्यक्ति को। हम एक संयुक्त सीरिया के उनके नजरिए का समर्थन करते हैं, एक ऐसे भविष्य का जहां सरकार की नजर में सभी नागरिक एक समान हों।’
व्हाइट हाउस के प्रवक्ता जे कर्नी ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘हम सीरियाई विपक्षी गठबंधन का समर्थन करते हैं। हम मानते हैं कि सीरिया में विपक्षी दलों का यह एक वैध प्रतिनिधि है। राष्ट्रपति असद के शासन से वहां लोगों को छुटकारा दिलाएगा। असद के हाथ अपने ही लोगों के खून से सने हुए हैं।’’
कर्नी ने कहा कि अमेरिका इस युद्धग्रस्त देश के नागरिकों की मानवीय मदद जारी रखेगा और यहां के विपक्षी दलों को मदद देता रहेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्षी दलों की गैर घातक सहायता के तहत नागरिक कार्यकर्ताओं की छमता के विकास के लिए साजो सामान व प्रशिक्षण प्रदान करना और सीरियाई लोगों को एसओसी व दूसरी समन्वय समिति से जोड़ने जैसे कार्य शामिल हैं। टिप्पणियां
इस बीच, गृह विभाग के प्रवक्ता पैट्रिक वेंट्रेल ने कहा कि अमेरिका चाहता है कि सीरियाई विपक्ष अपने नेतृत्व से जुड़ा मसला जल्द से जल्द सुलझा ले।
संवाददाता सम्मेलन के दौरान पूछे गए एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा, ‘हमारा समर्थन इस संगठन को है, न की किसी खास व्यक्ति को। हम एक संयुक्त सीरिया के उनके नजरिए का समर्थन करते हैं, एक ऐसे भविष्य का जहां सरकार की नजर में सभी नागरिक एक समान हों।’
कर्नी ने कहा कि अमेरिका इस युद्धग्रस्त देश के नागरिकों की मानवीय मदद जारी रखेगा और यहां के विपक्षी दलों को मदद देता रहेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्षी दलों की गैर घातक सहायता के तहत नागरिक कार्यकर्ताओं की छमता के विकास के लिए साजो सामान व प्रशिक्षण प्रदान करना और सीरियाई लोगों को एसओसी व दूसरी समन्वय समिति से जोड़ने जैसे कार्य शामिल हैं। टिप्पणियां
इस बीच, गृह विभाग के प्रवक्ता पैट्रिक वेंट्रेल ने कहा कि अमेरिका चाहता है कि सीरियाई विपक्ष अपने नेतृत्व से जुड़ा मसला जल्द से जल्द सुलझा ले।
संवाददाता सम्मेलन के दौरान पूछे गए एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा, ‘हमारा समर्थन इस संगठन को है, न की किसी खास व्यक्ति को। हम एक संयुक्त सीरिया के उनके नजरिए का समर्थन करते हैं, एक ऐसे भविष्य का जहां सरकार की नजर में सभी नागरिक एक समान हों।’
उन्होंने कहा कि विपक्षी दलों की गैर घातक सहायता के तहत नागरिक कार्यकर्ताओं की छमता के विकास के लिए साजो सामान व प्रशिक्षण प्रदान करना और सीरियाई लोगों को एसओसी व दूसरी समन्वय समिति से जोड़ने जैसे कार्य शामिल हैं। टिप्पणियां
इस बीच, गृह विभाग के प्रवक्ता पैट्रिक वेंट्रेल ने कहा कि अमेरिका चाहता है कि सीरियाई विपक्ष अपने नेतृत्व से जुड़ा मसला जल्द से जल्द सुलझा ले।
संवाददाता सम्मेलन के दौरान पूछे गए एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा, ‘हमारा समर्थन इस संगठन को है, न की किसी खास व्यक्ति को। हम एक संयुक्त सीरिया के उनके नजरिए का समर्थन करते हैं, एक ऐसे भविष्य का जहां सरकार की नजर में सभी नागरिक एक समान हों।’
इस बीच, गृह विभाग के प्रवक्ता पैट्रिक वेंट्रेल ने कहा कि अमेरिका चाहता है कि सीरियाई विपक्ष अपने नेतृत्व से जुड़ा मसला जल्द से जल्द सुलझा ले।
संवाददाता सम्मेलन के दौरान पूछे गए एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा, ‘हमारा समर्थन इस संगठन को है, न की किसी खास व्यक्ति को। हम एक संयुक्त सीरिया के उनके नजरिए का समर्थन करते हैं, एक ऐसे भविष्य का जहां सरकार की नजर में सभी नागरिक एक समान हों।’
संवाददाता सम्मेलन के दौरान पूछे गए एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा, ‘हमारा समर्थन इस संगठन को है, न की किसी खास व्यक्ति को। हम एक संयुक्त सीरिया के उनके नजरिए का समर्थन करते हैं, एक ऐसे भविष्य का जहां सरकार की नजर में सभी नागरिक एक समान हों।’ | यहाँ एक सारांश है:व्हाइट हाउस का कहना है कि सीरियाई विपक्षी समिति (एसओसी) सीरियाई लोगों की एक वैध प्रतिनिधि है। इसके साथ ही उसने कहा कि वह इस समिति के किसी खास व्यक्ति या इसके अंदर के किसी खास समूह का समर्थन नहीं करता है। | 17 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: भारतीय दूरसंचार कंपनियों ने 31 मार्च, 2011 को समाप्त तिमाही के दौरान 5.94 करोड़ नए मोबाइल ग्राहक बनाए हैं, जिससे देश में कुल मोबाइल ग्राहकों की संख्या 81.15 करोड़ हो गई है। भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार, जनवरी-मार्च तिमाही के दौरान कुल मोबाइल ग्राहकों (जीएसएम और सीडीएमए) की संख्या 7.90 प्रतिशत बढ़कर 81.15 करोड़ हो गई, जो 31 दिसंबर, 2010 को समाप्त तिमाही में 75.21 करोड़ थी। तिमाही के दौरान देश में कुल फोन कनेक्शनों की संख्या बढ़कर 84.63 करोड़ हो गई है, जो इससे पिछली तिमाही में 78.72 करोड़ थी। ट्राई ने कहा कि इस दौरान फोन घनत्व (प्रति सौ व्यक्तियों पर फोन) 70.89 प्रतिशत हो गया। हालांकि, तिमाही के दौरान जीएसएम वर्ग में औसत राजस्व प्रति ग्राहक (एआरपीयू) 4.52 प्रतिशत घटकर 100 रुपये पर आ गया। इससे पिछली तिमाही में यह 105 रुपये पर था। सीडीएमए वर्ग में एआरपीयू 66 रुपये पर था। तिमाही के दौरान फिक्स्ड लाइन फोन कनेक्शनों की संख्या घटकर 3.47 करोड़ पर आ गई, जो इससे पिछली तिमाही में 3.50 करोड़ थी। इस अवधि में इंटरनेट ग्राहकों की संख्या 5.29 प्रतिशत बढ़कर 1.96 करोड़ हो गई, जो इससे पिछली तिमाही में 1.86 करोड़ थी। | संक्षिप्त सारांश: दूरसंचार कंपनियों ने मार्च तिमाही के दौरान 5.94 करोड़ नए ग्राहक बनाए हैं, जिससे देश में मोबाइल ग्राहकों की संख्या 81.15 करोड़ हो गई है। | 23 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: यमन के राष्ट्रपति अली अब्दुल्ला सालेह ने सुरक्षा बलों को प्रदर्शनकारियों और समर्थकों के बीच झड़प रोकने का आदेश दिया है। उन्हें प्रदर्शनकारियों और समर्थकों, दोनों की रक्षा करने के लिए कहा गया है। समाचार एजेंसी 'आरआईए नोवोस्ती' के मुताबिक दुनिया के गरीब देशों में से एक यमन में तीन दशक पुरानी सालेह सरकार को सत्ता से बेदखल करने के लिए देशभर में पिछले दो सप्ताह से प्रदर्शन हो रहे हैं। प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प में अब तक कम से कम दो लोगों की जान जा चुकी है। समाचार चैनल 'अल अरबिया' ने एक अधिकारी के हवाले से खबर दी है, "अली अब्दुल्ला सालेह ने सुरक्षा बलों को निर्देश दिया है कि वे सरकार विरोधी प्रदर्शनकारियों और सरकार के समर्थकों के बीच सीधी टकराव को रोकें। सरकार नागरिकों के शांतिपूर्ण ढंग से सभा करने और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की रक्षा करती रहेगी।" विपक्ष की ओर से भारी दबाव झेल रहे राष्ट्रपति सालेह ने फरवरी की शुरुआत में कहा था कि 2013 में अपना कार्यकाल समाप्त होने के बाद होने वाले राष्ट्रपति चुनाव में वह उम्मीदवार नहीं होंगे और न ही उनके बेटे राष्ट्रपति के रूप में उनके उत्तराधिकारी होंगे। 21 फरवरी को हालांकि उन्होंने फिर कहा कि वह किसी दबाव में इस्तीफा नहीं देंगे। उन्हें केवल चुनाव के माध्यम से ही हराया जा सकता है। उन्होंने विपक्ष पर वार्ता से इंकार करने और अपनी मांगें बढ़ाते जाने का आरोप लगाया। उल्लेखनीय है कि ट्यूनीशिया और मिस्र में सरकार विरोधी प्रदर्शन के बाद यमन, लीबिया, बहरीन, अल्जीरिया सहित कई अन्य देशों में भी सरकार विरोधी प्रदर्शन भड़क गया है। | संक्षिप्त पाठ: यमन के राष्ट्रपति अली अब्दुल्ला सालेह ने सुरक्षा बलों को प्रदर्शनकारियों और समर्थकों के बीच झड़प रोकने का आदेश दिया है। | 14 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: भारतीय हॉकी टीम के कोच माइकल नोब्स का मानना है कि उप-कप्तान सरदारा सिंह और ड्रैग फ्लिकर संदीप सिंह का फॉर्म लंदन ओलिंपिक में भारत की सफलता के लिए अहम होगा।
नोब्स ने प्रेस ट्रस्ट से कहा, हमारा पूल कठिन है और कोई यह नहीं बता सकता कि वह किस स्थान पर रहेगा । हम अपने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन की कोशिश करेंगे। उन्होंने कहा, मुझे उम्मीद है कि टीम अच्छा खेलेगी। लोग यह क्यो भूल जाते हैं कि इसमें 11 और टीमें भी भाग ले रही हैं।
उन्होंने कहा, सरदारा इस समय दुनिया के तीन सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों में से हैं और यह सिर्फ मेरी राय नहीं है। यदि वह फॉर्म में रहा तो टीम भी अच्छा प्रदर्शन करेगी। दूसरी ओर संदीप पेनल्टी कॉर्नर पर काफी गोल करता है। वह भी हमारी सफलता की कुंजी होगा।
बीजिंग ओलिंपिक खेलने से चूकी आठ बार की चैम्पियन भारतीय टीम पूल-बी में मौजूदा चैम्पियन जर्मनी, हालैंड, न्यूजीलैंड, कोरिया और बेल्जियम के साथ है ।
नोब्स ने कहा कि भारतीय हॉकी अभी भी विकास के दौर में है और लगातार अच्छे नतीजे देने में समय लगेगा ।
उन्होंने कहा, हम सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। आने वाले समय में लगातार अच्छे नतीजे भी मिलेंगे। टीम की तैयारी से संतुष्ट कोच ने कहा कि कुछ कमजोर कड़ियों पर मेहनत करनी होगी।टिप्पणियां
नोब्स ने कहा, मैं टीम की तैयारियों से खुश हूं लेकिन मैं पहले भी कह चुका हूं कि बाकी टीमें छह साल से इसकी तैयारी कर रही हैं। हमें 12 महीने से भी कम समय मिला है। उन्होंने कहा, फ्रांस दौरा अभ्यास लिए था। स्पेन दौरा तैयारी को अंतिम रूप देने और सही संयोजन तलाशने के लिए था। यह पूछने पर कि भारत का प्रदर्शन खराब रहने पर क्या हॉकीप्रेमियों का कोपभाजन बनने को वह तैयार हैं, उन्होंने कहा कि वह बखूबी जानते हैं कि खराब खेलने के क्या परिणाम होंगे।
उन्होंने कहा, जब मैं आया था तो सभी ने कहा था कि ओलिंपिक के लिए क्वालीफाई करना बड़ी बात होगी। जब हमने क्वालीफाई किया तो सभी पदक के बारे में पूछने लगे। मुझे इस टीम और हॉकी से बहुत लगाव है। मैं सिर्फ शौकिया ही कोच नहीं बना हूं। हमें भावनाओं को अलग रखकर नतीजे देने होंगे जिसमें समय लगेगा।
नोब्स ने प्रेस ट्रस्ट से कहा, हमारा पूल कठिन है और कोई यह नहीं बता सकता कि वह किस स्थान पर रहेगा । हम अपने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन की कोशिश करेंगे। उन्होंने कहा, मुझे उम्मीद है कि टीम अच्छा खेलेगी। लोग यह क्यो भूल जाते हैं कि इसमें 11 और टीमें भी भाग ले रही हैं।
उन्होंने कहा, सरदारा इस समय दुनिया के तीन सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों में से हैं और यह सिर्फ मेरी राय नहीं है। यदि वह फॉर्म में रहा तो टीम भी अच्छा प्रदर्शन करेगी। दूसरी ओर संदीप पेनल्टी कॉर्नर पर काफी गोल करता है। वह भी हमारी सफलता की कुंजी होगा।
बीजिंग ओलिंपिक खेलने से चूकी आठ बार की चैम्पियन भारतीय टीम पूल-बी में मौजूदा चैम्पियन जर्मनी, हालैंड, न्यूजीलैंड, कोरिया और बेल्जियम के साथ है ।
नोब्स ने कहा कि भारतीय हॉकी अभी भी विकास के दौर में है और लगातार अच्छे नतीजे देने में समय लगेगा ।
उन्होंने कहा, हम सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। आने वाले समय में लगातार अच्छे नतीजे भी मिलेंगे। टीम की तैयारी से संतुष्ट कोच ने कहा कि कुछ कमजोर कड़ियों पर मेहनत करनी होगी।टिप्पणियां
नोब्स ने कहा, मैं टीम की तैयारियों से खुश हूं लेकिन मैं पहले भी कह चुका हूं कि बाकी टीमें छह साल से इसकी तैयारी कर रही हैं। हमें 12 महीने से भी कम समय मिला है। उन्होंने कहा, फ्रांस दौरा अभ्यास लिए था। स्पेन दौरा तैयारी को अंतिम रूप देने और सही संयोजन तलाशने के लिए था। यह पूछने पर कि भारत का प्रदर्शन खराब रहने पर क्या हॉकीप्रेमियों का कोपभाजन बनने को वह तैयार हैं, उन्होंने कहा कि वह बखूबी जानते हैं कि खराब खेलने के क्या परिणाम होंगे।
उन्होंने कहा, जब मैं आया था तो सभी ने कहा था कि ओलिंपिक के लिए क्वालीफाई करना बड़ी बात होगी। जब हमने क्वालीफाई किया तो सभी पदक के बारे में पूछने लगे। मुझे इस टीम और हॉकी से बहुत लगाव है। मैं सिर्फ शौकिया ही कोच नहीं बना हूं। हमें भावनाओं को अलग रखकर नतीजे देने होंगे जिसमें समय लगेगा।
उन्होंने कहा, सरदारा इस समय दुनिया के तीन सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों में से हैं और यह सिर्फ मेरी राय नहीं है। यदि वह फॉर्म में रहा तो टीम भी अच्छा प्रदर्शन करेगी। दूसरी ओर संदीप पेनल्टी कॉर्नर पर काफी गोल करता है। वह भी हमारी सफलता की कुंजी होगा।
बीजिंग ओलिंपिक खेलने से चूकी आठ बार की चैम्पियन भारतीय टीम पूल-बी में मौजूदा चैम्पियन जर्मनी, हालैंड, न्यूजीलैंड, कोरिया और बेल्जियम के साथ है ।
नोब्स ने कहा कि भारतीय हॉकी अभी भी विकास के दौर में है और लगातार अच्छे नतीजे देने में समय लगेगा ।
उन्होंने कहा, हम सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। आने वाले समय में लगातार अच्छे नतीजे भी मिलेंगे। टीम की तैयारी से संतुष्ट कोच ने कहा कि कुछ कमजोर कड़ियों पर मेहनत करनी होगी।टिप्पणियां
नोब्स ने कहा, मैं टीम की तैयारियों से खुश हूं लेकिन मैं पहले भी कह चुका हूं कि बाकी टीमें छह साल से इसकी तैयारी कर रही हैं। हमें 12 महीने से भी कम समय मिला है। उन्होंने कहा, फ्रांस दौरा अभ्यास लिए था। स्पेन दौरा तैयारी को अंतिम रूप देने और सही संयोजन तलाशने के लिए था। यह पूछने पर कि भारत का प्रदर्शन खराब रहने पर क्या हॉकीप्रेमियों का कोपभाजन बनने को वह तैयार हैं, उन्होंने कहा कि वह बखूबी जानते हैं कि खराब खेलने के क्या परिणाम होंगे।
उन्होंने कहा, जब मैं आया था तो सभी ने कहा था कि ओलिंपिक के लिए क्वालीफाई करना बड़ी बात होगी। जब हमने क्वालीफाई किया तो सभी पदक के बारे में पूछने लगे। मुझे इस टीम और हॉकी से बहुत लगाव है। मैं सिर्फ शौकिया ही कोच नहीं बना हूं। हमें भावनाओं को अलग रखकर नतीजे देने होंगे जिसमें समय लगेगा।
बीजिंग ओलिंपिक खेलने से चूकी आठ बार की चैम्पियन भारतीय टीम पूल-बी में मौजूदा चैम्पियन जर्मनी, हालैंड, न्यूजीलैंड, कोरिया और बेल्जियम के साथ है ।
नोब्स ने कहा कि भारतीय हॉकी अभी भी विकास के दौर में है और लगातार अच्छे नतीजे देने में समय लगेगा ।
उन्होंने कहा, हम सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। आने वाले समय में लगातार अच्छे नतीजे भी मिलेंगे। टीम की तैयारी से संतुष्ट कोच ने कहा कि कुछ कमजोर कड़ियों पर मेहनत करनी होगी।टिप्पणियां
नोब्स ने कहा, मैं टीम की तैयारियों से खुश हूं लेकिन मैं पहले भी कह चुका हूं कि बाकी टीमें छह साल से इसकी तैयारी कर रही हैं। हमें 12 महीने से भी कम समय मिला है। उन्होंने कहा, फ्रांस दौरा अभ्यास लिए था। स्पेन दौरा तैयारी को अंतिम रूप देने और सही संयोजन तलाशने के लिए था। यह पूछने पर कि भारत का प्रदर्शन खराब रहने पर क्या हॉकीप्रेमियों का कोपभाजन बनने को वह तैयार हैं, उन्होंने कहा कि वह बखूबी जानते हैं कि खराब खेलने के क्या परिणाम होंगे।
उन्होंने कहा, जब मैं आया था तो सभी ने कहा था कि ओलिंपिक के लिए क्वालीफाई करना बड़ी बात होगी। जब हमने क्वालीफाई किया तो सभी पदक के बारे में पूछने लगे। मुझे इस टीम और हॉकी से बहुत लगाव है। मैं सिर्फ शौकिया ही कोच नहीं बना हूं। हमें भावनाओं को अलग रखकर नतीजे देने होंगे जिसमें समय लगेगा।
नोब्स ने कहा कि भारतीय हॉकी अभी भी विकास के दौर में है और लगातार अच्छे नतीजे देने में समय लगेगा ।
उन्होंने कहा, हम सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। आने वाले समय में लगातार अच्छे नतीजे भी मिलेंगे। टीम की तैयारी से संतुष्ट कोच ने कहा कि कुछ कमजोर कड़ियों पर मेहनत करनी होगी।टिप्पणियां
नोब्स ने कहा, मैं टीम की तैयारियों से खुश हूं लेकिन मैं पहले भी कह चुका हूं कि बाकी टीमें छह साल से इसकी तैयारी कर रही हैं। हमें 12 महीने से भी कम समय मिला है। उन्होंने कहा, फ्रांस दौरा अभ्यास लिए था। स्पेन दौरा तैयारी को अंतिम रूप देने और सही संयोजन तलाशने के लिए था। यह पूछने पर कि भारत का प्रदर्शन खराब रहने पर क्या हॉकीप्रेमियों का कोपभाजन बनने को वह तैयार हैं, उन्होंने कहा कि वह बखूबी जानते हैं कि खराब खेलने के क्या परिणाम होंगे।
उन्होंने कहा, जब मैं आया था तो सभी ने कहा था कि ओलिंपिक के लिए क्वालीफाई करना बड़ी बात होगी। जब हमने क्वालीफाई किया तो सभी पदक के बारे में पूछने लगे। मुझे इस टीम और हॉकी से बहुत लगाव है। मैं सिर्फ शौकिया ही कोच नहीं बना हूं। हमें भावनाओं को अलग रखकर नतीजे देने होंगे जिसमें समय लगेगा।
उन्होंने कहा, हम सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। आने वाले समय में लगातार अच्छे नतीजे भी मिलेंगे। टीम की तैयारी से संतुष्ट कोच ने कहा कि कुछ कमजोर कड़ियों पर मेहनत करनी होगी।टिप्पणियां
नोब्स ने कहा, मैं टीम की तैयारियों से खुश हूं लेकिन मैं पहले भी कह चुका हूं कि बाकी टीमें छह साल से इसकी तैयारी कर रही हैं। हमें 12 महीने से भी कम समय मिला है। उन्होंने कहा, फ्रांस दौरा अभ्यास लिए था। स्पेन दौरा तैयारी को अंतिम रूप देने और सही संयोजन तलाशने के लिए था। यह पूछने पर कि भारत का प्रदर्शन खराब रहने पर क्या हॉकीप्रेमियों का कोपभाजन बनने को वह तैयार हैं, उन्होंने कहा कि वह बखूबी जानते हैं कि खराब खेलने के क्या परिणाम होंगे।
उन्होंने कहा, जब मैं आया था तो सभी ने कहा था कि ओलिंपिक के लिए क्वालीफाई करना बड़ी बात होगी। जब हमने क्वालीफाई किया तो सभी पदक के बारे में पूछने लगे। मुझे इस टीम और हॉकी से बहुत लगाव है। मैं सिर्फ शौकिया ही कोच नहीं बना हूं। हमें भावनाओं को अलग रखकर नतीजे देने होंगे जिसमें समय लगेगा।
नोब्स ने कहा, मैं टीम की तैयारियों से खुश हूं लेकिन मैं पहले भी कह चुका हूं कि बाकी टीमें छह साल से इसकी तैयारी कर रही हैं। हमें 12 महीने से भी कम समय मिला है। उन्होंने कहा, फ्रांस दौरा अभ्यास लिए था। स्पेन दौरा तैयारी को अंतिम रूप देने और सही संयोजन तलाशने के लिए था। यह पूछने पर कि भारत का प्रदर्शन खराब रहने पर क्या हॉकीप्रेमियों का कोपभाजन बनने को वह तैयार हैं, उन्होंने कहा कि वह बखूबी जानते हैं कि खराब खेलने के क्या परिणाम होंगे।
उन्होंने कहा, जब मैं आया था तो सभी ने कहा था कि ओलिंपिक के लिए क्वालीफाई करना बड़ी बात होगी। जब हमने क्वालीफाई किया तो सभी पदक के बारे में पूछने लगे। मुझे इस टीम और हॉकी से बहुत लगाव है। मैं सिर्फ शौकिया ही कोच नहीं बना हूं। हमें भावनाओं को अलग रखकर नतीजे देने होंगे जिसमें समय लगेगा।
उन्होंने कहा, जब मैं आया था तो सभी ने कहा था कि ओलिंपिक के लिए क्वालीफाई करना बड़ी बात होगी। जब हमने क्वालीफाई किया तो सभी पदक के बारे में पूछने लगे। मुझे इस टीम और हॉकी से बहुत लगाव है। मैं सिर्फ शौकिया ही कोच नहीं बना हूं। हमें भावनाओं को अलग रखकर नतीजे देने होंगे जिसमें समय लगेगा। | सारांश: भारतीय हॉकी टीम के कोच माइकल नोब्स का मानना है कि उप-कप्तान सरदारा सिंह और ड्रैग फ्लिकर संदीप सिंह का फॉर्म लंदन ओलिंपिक में भारत की सफलता के लिए अहम होगा। | 31 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: वर्ल्ड बैंक के अध्यक्ष डेविड मालपास ने शनिवार को कहा कि वर्ल्ड बैंक भारत को 6 अरब डॉलर सालाना लक्ष्य के अनुरूप ऋण समर्थन देना जारी रखेगा. वर्तमान में वर्ल्ड बैंक की मदद से देश में 97 परियोजनाएं चल रही हैं. मालपास ने मीडिया से बातचीत में कहा, "वर्ल्ड बैंक के पास 24 अरब डॉलर की ऋण प्रतिबद्धता वाली 97 परियोजनाएं हैं. इसलिए हम उम्मीद करते हैं कि कार्यक्रम जारी रहे और भारत में चल रही परियोजनाओं और सुधारों को परिलक्षित करता रहे. यह सालाना 5-6 अरब डॉलर का हो सकता है."
बता दें, वर्ल्ड बैंक के प्रमुख ने इससे पहले दिन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से मुलाकात की. मालपास ने कहा कि प्रधानमंत्री के साथ बैठक में बुनियादी ढांचे के वित्तपोषण, वित्तीय क्षेत्र की मजबूती, क्षेत्रीय संपर्क योजना और नागरिक सेवाएं में सुधार समेत कई विषयों पर चर्चा हुई. उन्होंने कहा, "हमने जल और कौशल विकास को लेकर भी बात की. मैं इन विषयों पर प्रधानमंत्री के दृष्टिकोण की सराहना करता हूं." | वर्तमान में वर्ल्ड बैंक की मदद से देश में 97 परियोजनाएं चल रही हैं
वर्ल्ड बैंक के पास 24 अरब डॉलर की ऋण प्रतिबद्धता वाली 97 परियोजनाएं हैं
भारत में चल रही परियोजनाओं और सुधारों को परिलक्षित करता रहे | 26 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: भारतीय टीम इंग्लैंड के खिलाफ 15 नवंबर से अहमदाबाद में पहला क्रिकेट टेस्ट खेलेगी, लेकिन घरेलू टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ही एकमात्र खिलाड़ी हैं, जो अपने अन्य साथियों के विपरीत रणजी ट्रॉफी के शुरुआती राउंड के मैच में नहीं खेलेंगे।
रणजी ट्रॉफी का पहला राउंड विभिन्न केंद्रों में 2 से 5 नवंबर तक खेला जाएगा, लेकिन पिछले पांच साल में राज्य की टीम के लिए नहीं खेलने वाले भारतीय कप्तान ने श्रीनगर में झारखंड और जम्मू-कश्मीर के बीच शुरुआती मैच में नहीं खेलने का फैसला किया है। धोनी ने कहा, पिछले छह या सात साल से मैं लगतार भारत की ओर से खेल रहा हूं और इस बार स्थानीय संघ ने मुझसे पूछा कि क्या मैं फिट हूं या नहीं। मैंने कहा कि मुझे जुकाम है और मेरे चयन पर विचार नहीं करें।
मौजूदा भारतीय खिलाड़ी जैसे गौतम गंभीर, वीरेंद्र सहवाग, इशांत शर्मा और विराट कोहली तथा सुरेश रैना गाजियाबाद में दिल्ली बनाम उत्तर प्रदेश के बीच होने वाले रणजी मैच में खेल रहे हैं। सचिन तेंदुलकर और जहीर खान मुंबई की ओर से रेलवे के खिलाफ मुकाबले में खेल रहे हैं, जबकि हरभजन सिंह, युवराज सिंह और प्रज्ञान ओझा हैदराबाद और पंजाब के बीच होने वाले मुकाबले में खेलने के लिए तैयार हैं।
आर अश्विन ओडिशा में तमिलनाडु के लिए खेलेंगे। चेतेश्वर पुजारा गुजरात के खिलाफ सौराष्ट्र के लिए खेलेंगे, जबकि उमेश यादव को रोहतक में हरियणा के खिलाफ विदर्भ टीम के लिए खेलना है। रणजी ट्रॉफी के शुरुआती राउंड में खेलने वाले मुख्य स्टार खिलाड़ी और टेस्ट उम्मीदवार खिलाड़ी इस प्रकार हैं।
मुंबई बनाम रेलवे : सचिन तेंदुलकर, जहीर खान, रोहित शर्मा, अजिंक्य रहाणे।
दिल्ली बनाम उत्तर प्रदेश : सहवाग, गंभीर, इशांत, कोहली, रैना।
तमिलनाडु बनाम ओडिशा : अश्विन, मुकुंद और विजय।
सौराष्ट्र बनाम गुजरात : चेतेश्वर पुजारा।
पंजाब बनाम हैदराबाद : हरभजन, युवराज, प्रज्ञान ओझा, राहुल शर्मा।टिप्पणियां
विदर्भ बनाम हरियाणा : उमेश यादव, अमित मिश्रा।
बंगाल बनाम राजस्थान : मनोज तिवारी, अशोक डिंडा।
रणजी ट्रॉफी का पहला राउंड विभिन्न केंद्रों में 2 से 5 नवंबर तक खेला जाएगा, लेकिन पिछले पांच साल में राज्य की टीम के लिए नहीं खेलने वाले भारतीय कप्तान ने श्रीनगर में झारखंड और जम्मू-कश्मीर के बीच शुरुआती मैच में नहीं खेलने का फैसला किया है। धोनी ने कहा, पिछले छह या सात साल से मैं लगतार भारत की ओर से खेल रहा हूं और इस बार स्थानीय संघ ने मुझसे पूछा कि क्या मैं फिट हूं या नहीं। मैंने कहा कि मुझे जुकाम है और मेरे चयन पर विचार नहीं करें।
मौजूदा भारतीय खिलाड़ी जैसे गौतम गंभीर, वीरेंद्र सहवाग, इशांत शर्मा और विराट कोहली तथा सुरेश रैना गाजियाबाद में दिल्ली बनाम उत्तर प्रदेश के बीच होने वाले रणजी मैच में खेल रहे हैं। सचिन तेंदुलकर और जहीर खान मुंबई की ओर से रेलवे के खिलाफ मुकाबले में खेल रहे हैं, जबकि हरभजन सिंह, युवराज सिंह और प्रज्ञान ओझा हैदराबाद और पंजाब के बीच होने वाले मुकाबले में खेलने के लिए तैयार हैं।
आर अश्विन ओडिशा में तमिलनाडु के लिए खेलेंगे। चेतेश्वर पुजारा गुजरात के खिलाफ सौराष्ट्र के लिए खेलेंगे, जबकि उमेश यादव को रोहतक में हरियणा के खिलाफ विदर्भ टीम के लिए खेलना है। रणजी ट्रॉफी के शुरुआती राउंड में खेलने वाले मुख्य स्टार खिलाड़ी और टेस्ट उम्मीदवार खिलाड़ी इस प्रकार हैं।
मुंबई बनाम रेलवे : सचिन तेंदुलकर, जहीर खान, रोहित शर्मा, अजिंक्य रहाणे।
दिल्ली बनाम उत्तर प्रदेश : सहवाग, गंभीर, इशांत, कोहली, रैना।
तमिलनाडु बनाम ओडिशा : अश्विन, मुकुंद और विजय।
सौराष्ट्र बनाम गुजरात : चेतेश्वर पुजारा।
पंजाब बनाम हैदराबाद : हरभजन, युवराज, प्रज्ञान ओझा, राहुल शर्मा।टिप्पणियां
विदर्भ बनाम हरियाणा : उमेश यादव, अमित मिश्रा।
बंगाल बनाम राजस्थान : मनोज तिवारी, अशोक डिंडा।
मौजूदा भारतीय खिलाड़ी जैसे गौतम गंभीर, वीरेंद्र सहवाग, इशांत शर्मा और विराट कोहली तथा सुरेश रैना गाजियाबाद में दिल्ली बनाम उत्तर प्रदेश के बीच होने वाले रणजी मैच में खेल रहे हैं। सचिन तेंदुलकर और जहीर खान मुंबई की ओर से रेलवे के खिलाफ मुकाबले में खेल रहे हैं, जबकि हरभजन सिंह, युवराज सिंह और प्रज्ञान ओझा हैदराबाद और पंजाब के बीच होने वाले मुकाबले में खेलने के लिए तैयार हैं।
आर अश्विन ओडिशा में तमिलनाडु के लिए खेलेंगे। चेतेश्वर पुजारा गुजरात के खिलाफ सौराष्ट्र के लिए खेलेंगे, जबकि उमेश यादव को रोहतक में हरियणा के खिलाफ विदर्भ टीम के लिए खेलना है। रणजी ट्रॉफी के शुरुआती राउंड में खेलने वाले मुख्य स्टार खिलाड़ी और टेस्ट उम्मीदवार खिलाड़ी इस प्रकार हैं।
मुंबई बनाम रेलवे : सचिन तेंदुलकर, जहीर खान, रोहित शर्मा, अजिंक्य रहाणे।
दिल्ली बनाम उत्तर प्रदेश : सहवाग, गंभीर, इशांत, कोहली, रैना।
तमिलनाडु बनाम ओडिशा : अश्विन, मुकुंद और विजय।
सौराष्ट्र बनाम गुजरात : चेतेश्वर पुजारा।
पंजाब बनाम हैदराबाद : हरभजन, युवराज, प्रज्ञान ओझा, राहुल शर्मा।टिप्पणियां
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बंगाल बनाम राजस्थान : मनोज तिवारी, अशोक डिंडा।
आर अश्विन ओडिशा में तमिलनाडु के लिए खेलेंगे। चेतेश्वर पुजारा गुजरात के खिलाफ सौराष्ट्र के लिए खेलेंगे, जबकि उमेश यादव को रोहतक में हरियणा के खिलाफ विदर्भ टीम के लिए खेलना है। रणजी ट्रॉफी के शुरुआती राउंड में खेलने वाले मुख्य स्टार खिलाड़ी और टेस्ट उम्मीदवार खिलाड़ी इस प्रकार हैं।
मुंबई बनाम रेलवे : सचिन तेंदुलकर, जहीर खान, रोहित शर्मा, अजिंक्य रहाणे।
दिल्ली बनाम उत्तर प्रदेश : सहवाग, गंभीर, इशांत, कोहली, रैना।
तमिलनाडु बनाम ओडिशा : अश्विन, मुकुंद और विजय।
सौराष्ट्र बनाम गुजरात : चेतेश्वर पुजारा।
पंजाब बनाम हैदराबाद : हरभजन, युवराज, प्रज्ञान ओझा, राहुल शर्मा।टिप्पणियां
विदर्भ बनाम हरियाणा : उमेश यादव, अमित मिश्रा।
बंगाल बनाम राजस्थान : मनोज तिवारी, अशोक डिंडा।
मुंबई बनाम रेलवे : सचिन तेंदुलकर, जहीर खान, रोहित शर्मा, अजिंक्य रहाणे।
दिल्ली बनाम उत्तर प्रदेश : सहवाग, गंभीर, इशांत, कोहली, रैना।
तमिलनाडु बनाम ओडिशा : अश्विन, मुकुंद और विजय।
सौराष्ट्र बनाम गुजरात : चेतेश्वर पुजारा।
पंजाब बनाम हैदराबाद : हरभजन, युवराज, प्रज्ञान ओझा, राहुल शर्मा।टिप्पणियां
विदर्भ बनाम हरियाणा : उमेश यादव, अमित मिश्रा।
बंगाल बनाम राजस्थान : मनोज तिवारी, अशोक डिंडा।
दिल्ली बनाम उत्तर प्रदेश : सहवाग, गंभीर, इशांत, कोहली, रैना।
तमिलनाडु बनाम ओडिशा : अश्विन, मुकुंद और विजय।
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पंजाब बनाम हैदराबाद : हरभजन, युवराज, प्रज्ञान ओझा, राहुल शर्मा।टिप्पणियां
विदर्भ बनाम हरियाणा : उमेश यादव, अमित मिश्रा।
बंगाल बनाम राजस्थान : मनोज तिवारी, अशोक डिंडा।
तमिलनाडु बनाम ओडिशा : अश्विन, मुकुंद और विजय।
सौराष्ट्र बनाम गुजरात : चेतेश्वर पुजारा।
पंजाब बनाम हैदराबाद : हरभजन, युवराज, प्रज्ञान ओझा, राहुल शर्मा।टिप्पणियां
विदर्भ बनाम हरियाणा : उमेश यादव, अमित मिश्रा।
बंगाल बनाम राजस्थान : मनोज तिवारी, अशोक डिंडा।
सौराष्ट्र बनाम गुजरात : चेतेश्वर पुजारा।
पंजाब बनाम हैदराबाद : हरभजन, युवराज, प्रज्ञान ओझा, राहुल शर्मा।टिप्पणियां
विदर्भ बनाम हरियाणा : उमेश यादव, अमित मिश्रा।
बंगाल बनाम राजस्थान : मनोज तिवारी, अशोक डिंडा।
पंजाब बनाम हैदराबाद : हरभजन, युवराज, प्रज्ञान ओझा, राहुल शर्मा।टिप्पणियां
विदर्भ बनाम हरियाणा : उमेश यादव, अमित मिश्रा।
बंगाल बनाम राजस्थान : मनोज तिवारी, अशोक डिंडा।
विदर्भ बनाम हरियाणा : उमेश यादव, अमित मिश्रा।
बंगाल बनाम राजस्थान : मनोज तिवारी, अशोक डिंडा।
बंगाल बनाम राजस्थान : मनोज तिवारी, अशोक डिंडा। | संक्षिप्त सारांश: टीम इंडिया के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ही एकमात्र खिलाड़ी हैं, जो अपने अन्य साथियों के विपरीत रणजी ट्रॉफी के शुरुआती राउंड के मैच में नहीं खेलेंगे। रणजी ट्रॉफी का पहला राउंड 2 से 5 नवंबर तक खेला जाएगा। | 8 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को अपने संसदीय क्षेत्र बनारस पहुंचे, जहां उन्होंने कई परियोजनाओं का उद्घाटन किया. पीएम मोदी ने इस दौरान लोगों को संबोधित भी किया. उन्होंने अपने संबोधन में लोगों को भोजपुरी में छठ पूजा की बधाई दी और कहा कि इस बार मेरा सौभाग्य रहा कि मुझे दीपावली के दिन बाबा केदारनाथ के दर्शन करने का अवसर मिला. अब बाबा विश्वनाथ की नगरी में, आपसे आशीर्वाद लेने का मौका मिला है. उत्तराखंड में, मैं माता भगीरथी की पूजा करके धन्य हुआ, तो आज यहां, अब से कुछ देर पहले मां गंगा के दर्शन भी किए. उन्होंने कहा कि काशी के लिए, पूर्वांचल के लिए, पूर्वी भारत के लिए, पूरे भारतवर्ष के लिए, आज का ये दिन बहुत ऐतिहासिक है. आज वाराणसी और देश, विकास के उस कार्य का गवाह बना है, जो दशकों पहले हो जाना चाहिए था.
पीएम मोदी ने मल्टी मॉडल टर्मिनल का जिक्र करते हुए कहा कि आज वाराणसी और देश इस बात का गवाह है कि संकल्प लेकर जो कार्य सिद्ध किए जाते हैं तो उसकी तस्वीर कितनी भव्य होती है. वाराणसी का सांसद होने के नाते मेरे लिए दोहरी खुशी का मौका है. आज जल, थल और नव तीनों को ही जोड़ने वाली नई ऊर्जा का संचार इस क्षेत्र में हुआ है. आज मुझे 200 करोड़ रुपये से ज्यादा के बने मल्टी मॉडल टर्मिनल का उद्घाटन करने का सौभाग्य मिला. इस कंटेनर के चलने के मतलब है कि पूर्वांचल अब बंगाल की खाड़ी के साथ जुड़ गया है.
उन्होंने वाराणसी की सड़क, मां गंगा को प्रदूषण मुक्त करने वाले प्रयासों का शिलान्यास किया गया है. ढ़ाई हजार करोड़ से ज्यदा के प्रोजेक्ट बनारस को भव्य बनाएंगे. इस जलमार्ग से समय और पैसा बचेगा. सड़क पर भीड़ भी कम होगी. ईंधन का खर्च भी कम होगा और गाड़ियों से होने वाले प्रदूषण से भी राहत मिलेगी. काशी वासियों को बधाई देता हूं. आजादी के बाद पहले अवसर है कि नदी मार्ग को कारोबार के लिए इस्तेमाल करने के लिए सक्षम हैं.
यह भी पढ़ें: पीएम मोदी का सोनिया-राहुल पर हमला- जो मां-बेटे रुपयों की हेरा-फेरी पर जमानत पर है वो मुझसे नोटबंदी के फायदे पूछ रहे हैंटिप्पणियां
उन्होंने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि चार साल पहले इस प्रोजेक्ट का मजाक उड़ाया गया था. कलकत्ता से आए जहाज ने आलोचकों को खुद ही जवाब दिया है. यह प्रोजेक्ट सिर्फ ढुलाई की हिस्सा नहीं न्यू इंडिया सबूत है. देश के संसाधनों और देश के सामर्थ्य पर भरोसा किया जाता है. यूपी, पूर्वांचल में फर्टिलाइडर समेत कितने भी कारखाने हैं वो सीधे पूर्वी बंदरगाह तक पहुंच जाएगा. वो दिन दूर नहीं जब वाराणसी में होने वाली सब्जी आदि इसी जलमार्ग से जाया करेगी. लघु उद्योग वालों और किसानों के लिए कितना बड़ा रास्ता खुलने जा रहा है.
पीएम मोदी ने लोगों से कहा कि आप अपनी ऊर्जा 2019 तक बचाकर रखना है. इस दौरान पीएम मोदी के साथ योगी आदित्यनाथ और नितिन गडकरी भी मौजूद थे.
पीएम मोदी ने मल्टी मॉडल टर्मिनल का जिक्र करते हुए कहा कि आज वाराणसी और देश इस बात का गवाह है कि संकल्प लेकर जो कार्य सिद्ध किए जाते हैं तो उसकी तस्वीर कितनी भव्य होती है. वाराणसी का सांसद होने के नाते मेरे लिए दोहरी खुशी का मौका है. आज जल, थल और नव तीनों को ही जोड़ने वाली नई ऊर्जा का संचार इस क्षेत्र में हुआ है. आज मुझे 200 करोड़ रुपये से ज्यादा के बने मल्टी मॉडल टर्मिनल का उद्घाटन करने का सौभाग्य मिला. इस कंटेनर के चलने के मतलब है कि पूर्वांचल अब बंगाल की खाड़ी के साथ जुड़ गया है.
उन्होंने वाराणसी की सड़क, मां गंगा को प्रदूषण मुक्त करने वाले प्रयासों का शिलान्यास किया गया है. ढ़ाई हजार करोड़ से ज्यदा के प्रोजेक्ट बनारस को भव्य बनाएंगे. इस जलमार्ग से समय और पैसा बचेगा. सड़क पर भीड़ भी कम होगी. ईंधन का खर्च भी कम होगा और गाड़ियों से होने वाले प्रदूषण से भी राहत मिलेगी. काशी वासियों को बधाई देता हूं. आजादी के बाद पहले अवसर है कि नदी मार्ग को कारोबार के लिए इस्तेमाल करने के लिए सक्षम हैं.
यह भी पढ़ें: पीएम मोदी का सोनिया-राहुल पर हमला- जो मां-बेटे रुपयों की हेरा-फेरी पर जमानत पर है वो मुझसे नोटबंदी के फायदे पूछ रहे हैंटिप्पणियां
उन्होंने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि चार साल पहले इस प्रोजेक्ट का मजाक उड़ाया गया था. कलकत्ता से आए जहाज ने आलोचकों को खुद ही जवाब दिया है. यह प्रोजेक्ट सिर्फ ढुलाई की हिस्सा नहीं न्यू इंडिया सबूत है. देश के संसाधनों और देश के सामर्थ्य पर भरोसा किया जाता है. यूपी, पूर्वांचल में फर्टिलाइडर समेत कितने भी कारखाने हैं वो सीधे पूर्वी बंदरगाह तक पहुंच जाएगा. वो दिन दूर नहीं जब वाराणसी में होने वाली सब्जी आदि इसी जलमार्ग से जाया करेगी. लघु उद्योग वालों और किसानों के लिए कितना बड़ा रास्ता खुलने जा रहा है.
पीएम मोदी ने लोगों से कहा कि आप अपनी ऊर्जा 2019 तक बचाकर रखना है. इस दौरान पीएम मोदी के साथ योगी आदित्यनाथ और नितिन गडकरी भी मौजूद थे.
उन्होंने वाराणसी की सड़क, मां गंगा को प्रदूषण मुक्त करने वाले प्रयासों का शिलान्यास किया गया है. ढ़ाई हजार करोड़ से ज्यदा के प्रोजेक्ट बनारस को भव्य बनाएंगे. इस जलमार्ग से समय और पैसा बचेगा. सड़क पर भीड़ भी कम होगी. ईंधन का खर्च भी कम होगा और गाड़ियों से होने वाले प्रदूषण से भी राहत मिलेगी. काशी वासियों को बधाई देता हूं. आजादी के बाद पहले अवसर है कि नदी मार्ग को कारोबार के लिए इस्तेमाल करने के लिए सक्षम हैं.
यह भी पढ़ें: पीएम मोदी का सोनिया-राहुल पर हमला- जो मां-बेटे रुपयों की हेरा-फेरी पर जमानत पर है वो मुझसे नोटबंदी के फायदे पूछ रहे हैंटिप्पणियां
उन्होंने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि चार साल पहले इस प्रोजेक्ट का मजाक उड़ाया गया था. कलकत्ता से आए जहाज ने आलोचकों को खुद ही जवाब दिया है. यह प्रोजेक्ट सिर्फ ढुलाई की हिस्सा नहीं न्यू इंडिया सबूत है. देश के संसाधनों और देश के सामर्थ्य पर भरोसा किया जाता है. यूपी, पूर्वांचल में फर्टिलाइडर समेत कितने भी कारखाने हैं वो सीधे पूर्वी बंदरगाह तक पहुंच जाएगा. वो दिन दूर नहीं जब वाराणसी में होने वाली सब्जी आदि इसी जलमार्ग से जाया करेगी. लघु उद्योग वालों और किसानों के लिए कितना बड़ा रास्ता खुलने जा रहा है.
पीएम मोदी ने लोगों से कहा कि आप अपनी ऊर्जा 2019 तक बचाकर रखना है. इस दौरान पीएम मोदी के साथ योगी आदित्यनाथ और नितिन गडकरी भी मौजूद थे.
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उन्होंने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि चार साल पहले इस प्रोजेक्ट का मजाक उड़ाया गया था. कलकत्ता से आए जहाज ने आलोचकों को खुद ही जवाब दिया है. यह प्रोजेक्ट सिर्फ ढुलाई की हिस्सा नहीं न्यू इंडिया सबूत है. देश के संसाधनों और देश के सामर्थ्य पर भरोसा किया जाता है. यूपी, पूर्वांचल में फर्टिलाइडर समेत कितने भी कारखाने हैं वो सीधे पूर्वी बंदरगाह तक पहुंच जाएगा. वो दिन दूर नहीं जब वाराणसी में होने वाली सब्जी आदि इसी जलमार्ग से जाया करेगी. लघु उद्योग वालों और किसानों के लिए कितना बड़ा रास्ता खुलने जा रहा है.
पीएम मोदी ने लोगों से कहा कि आप अपनी ऊर्जा 2019 तक बचाकर रखना है. इस दौरान पीएम मोदी के साथ योगी आदित्यनाथ और नितिन गडकरी भी मौजूद थे.
उन्होंने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि चार साल पहले इस प्रोजेक्ट का मजाक उड़ाया गया था. कलकत्ता से आए जहाज ने आलोचकों को खुद ही जवाब दिया है. यह प्रोजेक्ट सिर्फ ढुलाई की हिस्सा नहीं न्यू इंडिया सबूत है. देश के संसाधनों और देश के सामर्थ्य पर भरोसा किया जाता है. यूपी, पूर्वांचल में फर्टिलाइडर समेत कितने भी कारखाने हैं वो सीधे पूर्वी बंदरगाह तक पहुंच जाएगा. वो दिन दूर नहीं जब वाराणसी में होने वाली सब्जी आदि इसी जलमार्ग से जाया करेगी. लघु उद्योग वालों और किसानों के लिए कितना बड़ा रास्ता खुलने जा रहा है.
पीएम मोदी ने लोगों से कहा कि आप अपनी ऊर्जा 2019 तक बचाकर रखना है. इस दौरान पीएम मोदी के साथ योगी आदित्यनाथ और नितिन गडकरी भी मौजूद थे.
पीएम मोदी ने लोगों से कहा कि आप अपनी ऊर्जा 2019 तक बचाकर रखना है. इस दौरान पीएम मोदी के साथ योगी आदित्यनाथ और नितिन गडकरी भी मौजूद थे. | सारांश: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को अपने संसदीय क्षेत्र बनारस पहुंचे
उन्होंने कई परियोजनाओं का उद्घाटन किया
पीएम मोदी ने मल्टी मॉडल टर्मिनल का जिक्र करते हुए विपक्ष पर साधा निशाना | 7 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: मैन ऑफ द मैच हैमिल्टन मास्कादजा के आर्कषक अर्द्धशतक की मदद से जिम्बाब्वे ने त्रिकोणीय ट्वेंटी 20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट श्रृंखला में बांग्लादेश को 11 रन से हराया।
जिम्बाब्वे ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए छह विकेट पर 154 रन बनाए। उसकी तरफ से सलामी बल्लेबाज मास्कादजा ने 35 गेंद पर छह चौकों और चार छक्कों की मदद से 62 रन बनाए। उनके अलावा कप्तान ब्रैंडन टेलर ने 41 गेंद पर 38 रन बनाए।
बांग्लादेश की टीम इसके जवाब में पांच विकेट पर 143 रन ही बना पाई। उसकी तरफ से तमीम इकबाल 35 गेंद पर 38 रन और अनुभवी मोहम्मद अशरफुल 28 गेंद पर 22 रन ने पहले विकेट के लिए 61 रन जोड़े लेकिन वह अपेक्षित तेजी से रन नहीं बना पाए। इससे बाकी बल्लेबाजों पर दबाव बढ़ा।
नासिर हुसैन ने अंतिम क्षणों में 15 गेंद पर 29 रन की तूफानी पारी खेली लेकिन इससे वह हार का अंतर ही कम कर पाए। जिम्बाब्वे की तरफ से क्रिस मोफु ने 20 रन देकर दो विकेट लिए। टूर्नामेंट की तीसरी टीम दक्षिण अफ्रीका की है। | सारांश: मैन ऑफ द मैच हैमिल्टन मास्कादजा के आर्कषक अर्द्धशतक की मदद से जिम्बाब्वे ने त्रिकोणीय ट्वेंटी 20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट श्रृंखला में बांग्लादेश को 11 रन से हराया। | 7 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: अमेरिकी नौसेना की विशिष्ट सील टीम ने ओसामा बिन लादेन के खिलाफ राडार की नजरों में धूल झोंकने में सक्षम (स्टैल्थ) हेलीकाप्टरों का इस्तेमाल किया। इससे पहले कभी इन हेलीकाप्टरों को किसी अभियान में नहीं देखा गया। अमेरिकी मीडिया की खबरों में कहा गया कि इनमें से एक हेलीकाप्टर में गड़बड़ी आने पर उसे नष्ट कर दिया गया ताकि यह प्रौद्योगिकी किसी के हाथ न लगे। लगता है कि पेंटागन ने इन हेलीकाप्टरों को किसी खास अभियान के लिए सुरक्षित रखा था। इनके इस्तेमाल से यह भी लगता है कि अमेरिका इस अत्यधिक जोखिम वाले अभियान में कोई चूक नहीं चाहता था। पेंटागन के अधिकारी अभी भी चुप्पी साधे हैं कि स्टैल्थ हेलीकाप्टरों का इस्तेमाल हुआ अथवा नहीं लेकिन एबीसी न्यूज ने अमेरिकी विमानन सूत्रों के हवाले से बताया कि विस्फोट के बाद के फोटो ने सैन्य विश्लेषकों को इनके इस्तेमाल के बारे सोचने पर विवश किया। पूर्व रक्षा अधिकारियों ने बताया कि सिकरोस्की एच-60 ब्लैकहाक के पिछले हिस्से में अतिरिक्त पंखे होते हैं जिससे वह बहुत कम आवाज करता है और उसकी प्रौद्योगिकी एफ-117 स्टैल्थ लडाकू विमान की प्रौद्योगिकी जैसी है जो राडारों की नजर से ओझल रहता है। अमेरिका ने अभियान की खबर के लीक हो जाने के खतरे से कार्रवाई के बारे में पाकिस्तान को सूचित नहीं किया और अफगानिस्तान के ठिकाने से इन हेलीकाप्टरों ने उडान भरकर अपने मकसद को पूरा किया। पेंटागन के शीर्ष अधिकारियों ने बताया यह पहला मौका था। यह इतनी तेजी से और इतने नीचे उड़ान भरता है कि आप नहीं जान सकते कि यह सीधा आपकी ओर आ रहा है, यह निश्चित तौर पर सफलता का हिस्सा था। एक पूर्व विशेष विमानन अधिकारी ने द आर्मी टाइम्स को बताया कि इसका स्टैल्थ लड़ाकू की तरह होना दर्शाता है कि यह ब्लेकहाक का परिष्कृत संस्करण है। ऐबटाबाद में जिस मकान में कार्रवाई की गई उसके पड़ोस में रहने वाले लोगों ने बताया कि जब तक यह बिल्कुल नीचे नहीं आ गया तब तक उसकी आवाज का पता नहीं लगा। अमेरिका ने इससे पहले स्टैल्थ हेलीकाप्टरों का इस्तेमाल नहीं किया था। नब्बे के दशक के मध्य में सेना ने जासूसी हेलीकाप्टर कामनचे के कई प्रोटोटाइप विकसित किये जो उस समय स्टैल्थ प्रौद्योगिकी में एक क्रांतिकारी कदम था। सन् 2004 में रक्षा विभाग ने लेकिन कार्यक्रम को बंद कर दिया और कामनचे हेलीकाप्टर की प्रौद्योगिकी को ही अन्य हेलीकाप्टरों में इस्तेमाल का फैसला किया। तब से सरकार ब्लेकहाक हेलीकाप्टरों की आवाज कम करने की दिशा में काम कर रही थी लेकिन किसी सरकारी कार्यक्रम की घोषणा नहीं की गई। अधिकारियों का कहना है कि जो मलबा देखा गया वह पहली बार किसी स्टैल्थ हेलीकाप्टर का है। उनका मानना है कि स्टैल्थ ब्लैकहाक का कई साल से इस्तेमाल हो रहा था लेकिन इसका पता जनता को नहीं था। | अमेरिकी नौसेना की विशिष्ट सील टीम ने ओसामा बिन लादेन के खिलाफ राडार की नजरों में धूल झोंकने में सक्षम (स्टैल्थ) हेलीकाप्टरों का इस्तेमाल किया। | 6 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: ओ.पी. जिंदल ग्लोबल यूनिवर्सिटी (जेजीयू) ने हार्वर्ड यूनिवर्सिटी के साथ तीन क्षेत्रों में अपने सहयोग के विस्तार के लिए एक एमओयू पर हस्ताक्षर किए हैं. इसमें जिंदल के स्टूडेंट्स के लिए हार्वर्ड में वार्षिक शिक्षण सत्र के माध्यम से स्टूडेंट्स का जुड़ाव शामिल है. जिन अन्य दो क्षेत्रों में सहयोग किया गया है उसमें एमओयू के तहत दोनों संस्थान हितों के विषयों पर संयुक्त सम्मेलन आयोजित करेंगे और अन्य शोध और शैक्षणिक गतिविधियों में शामिल होंगे. हरियाणा के सोनीपत स्थित जेजीयू ने एक बयान में कहा, "इस एमओयू पर जेजीयू और हार्वर्ड यूनिवर्सिटी के हार्वर्ड टी.एच. चैन स्कूल ऑफ पब्लिक हैल्थ (एचएसपीएच) के बीच बुधवार को हस्ताक्षर किए गए. साथ ही इस समझौते के तहत स्टूडेंट्स के जुड़ाव पर संस्थानों द्वारा जारी सहयोग और दोनों संस्थानों के बीच संस्थागत जुड़ाव के अन्य अवसरों के लिए मार्ग प्रशस्त किया जाएगा."
बयान में कहा गया, "जेजीयू के लगभग 30 स्टूडेंट्स के लिए स्टूडेंट जुड़ाव सहयोग ने हार्वर्ड यूनिवर्सिटी में आयोजित एक वार्षिक अध्ययन विदेशी कार्यक्रम का रूप ले लिया है." बयान में कहा गया कि कार्यक्रम के सफलतार्पूवक पूरा होने पर जिंदल स्टूडेंटअकादमिक क्रेडिट अर्जित करेंगे और यह पाठ्यक्रम लिखित प्रतिलिपि में प्रतिबिंबित होगा. कार्यक्रम का नेतृत्व करने वाले हार्वर्ड के स्टीफंस मार्क्स ने जेजीयू के कुलपति सी. राज कुमार के साथ कहा, "उच्च शिक्षा में असाधारण विकास के कारण जेजीयू निरंतर वृद्धि कर रहा है और इसके पीछे इसका उत्कृष्टता पर निरंतर ध्यान, वैश्विक शिक्षा के प्रति इसकी प्रतिबद्धता और 50 देशों में 200 से अधिक सहयोग जैसे कारण हैं." Rajasthan Police Recruitment: अगले हफ्ते जारी होगी Answer Key, जानिए कब आएगा कॉन्सटेबल भर्ती परीक्षा का रिजल्ट
मार्क्स ने कहा, "यह एमओयू इस उत्कृष्टा और वैश्विक शिक्षा की प्रतिबद्धता में जेजीयू के साथ हार्वर्ड के जुड़ाव को और सुगम बनाएगा."जेजीयू के कुलपति राजकुमार ने कहा, "हार्वर्ड के साथ सहयोग एक उदाहरण है क्योंकि यह दिखाता है कि एक युवा भारतीय यूनिवर्सिटी दृष्टि के साथ उत्कृष्टता को बढ़ावा देने के लिए क्या कर सकता है और अपने छात्रों और शिक्षकों के लिए शानदार अवसर प्रदान करता है."SSLC Result 2018: जारी हुआ सप्लीमेंट्री परीक्षा का रिजल्ट, ऐसे करें चेकटिप्पणियां
जेजीयू संरक्षक और संस्थापक कुलाधिपति नवीन जिंदल ने कहा, "शिक्षा और शोध के संबंध में जेजीयू और हार्वर्ड के सहयोग के बारे में जानकर मुझे बहुत खुशी हुई. यह उपलब्धि हमारे शिक्षकों और छात्रों के जुनून, प्रतिबद्धता और समर्पण के लिए एक प्रमाण पत्र है."
(इनपुट- आईएएनएस)
बयान में कहा गया, "जेजीयू के लगभग 30 स्टूडेंट्स के लिए स्टूडेंट जुड़ाव सहयोग ने हार्वर्ड यूनिवर्सिटी में आयोजित एक वार्षिक अध्ययन विदेशी कार्यक्रम का रूप ले लिया है." बयान में कहा गया कि कार्यक्रम के सफलतार्पूवक पूरा होने पर जिंदल स्टूडेंटअकादमिक क्रेडिट अर्जित करेंगे और यह पाठ्यक्रम लिखित प्रतिलिपि में प्रतिबिंबित होगा. कार्यक्रम का नेतृत्व करने वाले हार्वर्ड के स्टीफंस मार्क्स ने जेजीयू के कुलपति सी. राज कुमार के साथ कहा, "उच्च शिक्षा में असाधारण विकास के कारण जेजीयू निरंतर वृद्धि कर रहा है और इसके पीछे इसका उत्कृष्टता पर निरंतर ध्यान, वैश्विक शिक्षा के प्रति इसकी प्रतिबद्धता और 50 देशों में 200 से अधिक सहयोग जैसे कारण हैं." Rajasthan Police Recruitment: अगले हफ्ते जारी होगी Answer Key, जानिए कब आएगा कॉन्सटेबल भर्ती परीक्षा का रिजल्ट
मार्क्स ने कहा, "यह एमओयू इस उत्कृष्टा और वैश्विक शिक्षा की प्रतिबद्धता में जेजीयू के साथ हार्वर्ड के जुड़ाव को और सुगम बनाएगा."जेजीयू के कुलपति राजकुमार ने कहा, "हार्वर्ड के साथ सहयोग एक उदाहरण है क्योंकि यह दिखाता है कि एक युवा भारतीय यूनिवर्सिटी दृष्टि के साथ उत्कृष्टता को बढ़ावा देने के लिए क्या कर सकता है और अपने छात्रों और शिक्षकों के लिए शानदार अवसर प्रदान करता है."SSLC Result 2018: जारी हुआ सप्लीमेंट्री परीक्षा का रिजल्ट, ऐसे करें चेकटिप्पणियां
जेजीयू संरक्षक और संस्थापक कुलाधिपति नवीन जिंदल ने कहा, "शिक्षा और शोध के संबंध में जेजीयू और हार्वर्ड के सहयोग के बारे में जानकर मुझे बहुत खुशी हुई. यह उपलब्धि हमारे शिक्षकों और छात्रों के जुनून, प्रतिबद्धता और समर्पण के लिए एक प्रमाण पत्र है."
(इनपुट- आईएएनएस)
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मार्क्स ने कहा, "यह एमओयू इस उत्कृष्टा और वैश्विक शिक्षा की प्रतिबद्धता में जेजीयू के साथ हार्वर्ड के जुड़ाव को और सुगम बनाएगा."जेजीयू के कुलपति राजकुमार ने कहा, "हार्वर्ड के साथ सहयोग एक उदाहरण है क्योंकि यह दिखाता है कि एक युवा भारतीय यूनिवर्सिटी दृष्टि के साथ उत्कृष्टता को बढ़ावा देने के लिए क्या कर सकता है और अपने छात्रों और शिक्षकों के लिए शानदार अवसर प्रदान करता है."SSLC Result 2018: जारी हुआ सप्लीमेंट्री परीक्षा का रिजल्ट, ऐसे करें चेकटिप्पणियां
जेजीयू संरक्षक और संस्थापक कुलाधिपति नवीन जिंदल ने कहा, "शिक्षा और शोध के संबंध में जेजीयू और हार्वर्ड के सहयोग के बारे में जानकर मुझे बहुत खुशी हुई. यह उपलब्धि हमारे शिक्षकों और छात्रों के जुनून, प्रतिबद्धता और समर्पण के लिए एक प्रमाण पत्र है."
(इनपुट- आईएएनएस)
मार्क्स ने कहा, "यह एमओयू इस उत्कृष्टा और वैश्विक शिक्षा की प्रतिबद्धता में जेजीयू के साथ हार्वर्ड के जुड़ाव को और सुगम बनाएगा."जेजीयू के कुलपति राजकुमार ने कहा, "हार्वर्ड के साथ सहयोग एक उदाहरण है क्योंकि यह दिखाता है कि एक युवा भारतीय यूनिवर्सिटी दृष्टि के साथ उत्कृष्टता को बढ़ावा देने के लिए क्या कर सकता है और अपने छात्रों और शिक्षकों के लिए शानदार अवसर प्रदान करता है."SSLC Result 2018: जारी हुआ सप्लीमेंट्री परीक्षा का रिजल्ट, ऐसे करें चेकटिप्पणियां
जेजीयू संरक्षक और संस्थापक कुलाधिपति नवीन जिंदल ने कहा, "शिक्षा और शोध के संबंध में जेजीयू और हार्वर्ड के सहयोग के बारे में जानकर मुझे बहुत खुशी हुई. यह उपलब्धि हमारे शिक्षकों और छात्रों के जुनून, प्रतिबद्धता और समर्पण के लिए एक प्रमाण पत्र है."
(इनपुट- आईएएनएस)
SSLC Result 2018: जारी हुआ सप्लीमेंट्री परीक्षा का रिजल्ट, ऐसे करें चेकटिप्पणियां
जेजीयू संरक्षक और संस्थापक कुलाधिपति नवीन जिंदल ने कहा, "शिक्षा और शोध के संबंध में जेजीयू और हार्वर्ड के सहयोग के बारे में जानकर मुझे बहुत खुशी हुई. यह उपलब्धि हमारे शिक्षकों और छात्रों के जुनून, प्रतिबद्धता और समर्पण के लिए एक प्रमाण पत्र है."
(इनपुट- आईएएनएस)
जेजीयू संरक्षक और संस्थापक कुलाधिपति नवीन जिंदल ने कहा, "शिक्षा और शोध के संबंध में जेजीयू और हार्वर्ड के सहयोग के बारे में जानकर मुझे बहुत खुशी हुई. यह उपलब्धि हमारे शिक्षकों और छात्रों के जुनून, प्रतिबद्धता और समर्पण के लिए एक प्रमाण पत्र है."
(इनपुट- आईएएनएस)
(इनपुट- आईएएनएस) | संक्षिप्त सारांश: जिंदल यूनिवर्सिटी ने हार्वर्ड यूनिवर्सिटी के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर किए.
शिक्षा और शोध के क्षेत्र में सहयोग के लिए ये समझौते हुए हैं.
जिंदल यूनिवर्सिटी को हाल ही में QS ने डायमंड रेटिंग दी थी. | 8 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: वानखेड़े स्टेडियम में बुधवार को इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के चौथे संस्करण के इस एकमात्र एलिमिनेटर मुकाबले में मुम्बई इंडियंस ने कोलकाता नाइट राइडर्स को चार विकेट से पराजित कर दिया। इसके साथ ही नाइट राइडर्स की टीम प्रतियोगिता से बाहर हो गई। कोलकाता नाइट राइडर्स की ओर से रखे गए 148 रनों के लक्ष्य का पीछा का पीछा करते हुए मुम्बई इंडियंस ने तेज शुरुआत करने के बाद छह शीर्ष बल्लेबाजों के विकेट गंवाने के बावजूद चार गेंद शेष रहते मैच पर कब्जा जमा लिया। हरभजन सिंह ने छक्का लगाकर अपनी टीम को जीत दिलाई। मुम्बई इंडियंस की ओर से ए. ब्लीजार्ड ने 30 गेंदों पर 51 रनों की पारी खेली। उनके अलावा सचिन तेंदुलकर ने 28 गेंदों पर 36 रनों की पारी खेली। अंतिम ओवरों में जेम्स फ्रें कलीन ने 25 गेंदों पर 29 रनों की पारी खेली। इससे पहले रेयान टेन डोशेट (नाबाद 70) की उम्दा पारी की बदौलत कोलकाता नाइट राइडर्स ने मुम्बई इंडियंस के सामने 148 रनों की चुनौती रखी। नाइट राइडर्स ने टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करते हुए निर्धारित 20 ओवरों की समाप्ति तक सात विकेट के नुकसान पर 147 रन बनाए। 49 गेंदों पर छह चौके और तीन छक्के लगाने वाले डोशेट के अलावा यूसुफ पठान तथा शाकिब अल हसन ने 26-26 रनों का योगदान दिया। | आईपीएल के चौथे संस्करण के इस एकमात्र एलिमिनेटर मुकाबले में मुम्बई इंडियंस ने कोलकाता नाइट राइडर्स को चार विकेट से पराजित कर दिया। | 26 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: भारत वैश्विक आर्थिक स्थिति में सुधार होने पर, ऋण संकट में फंसे यूरो क्षेत्र की मदद के लिए अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष को दी जाने वाली 10 अरब डॉलर (55,000 करोड़ रुपये) की राशि शायद न दे।
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने बयान में कहा, ‘‘हमने जो राशि देने की बात कही है, वह पूरी तरह नकद रूप में है। अर्थात अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने मदद देने वाले देशों को आश्वस्त किया है कि जब कभी जरूरत पड़ेगी, कोष उपलब्ध होगा। इसीलिए यह हमारे भंडार का हिस्सा है।’’ अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि स्थिति अभी ऐसी नहीं आई है कि प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने जी-20 शिखर सम्मेलन में 10 अरब डॉलर के योगदान को लेकर जो प्रतिबद्धता जताई उसे अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष को हस्तांरित किया जाए।टिप्पणियां
आर्थिक मामलों के विभाग के सचिव आर गोपालन ने कहा, ‘‘यह योगदान हमारे मुद्राभंडार से जुड़ा है। यदि वैश्विक स्थिति बेहतर होती है तो भारत यह राशि शायद न दे।’’
गोपालन ने कहा, ‘‘भारत का 10 अरब डॉलर का योगदान ब्रिक्स देशों द्वारा आईएमएफ को दी जाने वाली 75 अरब डॉलर की मदद का हिस्सा है। ब्रिक्स देशों ने आईएमएफ को दी जाने वाली अतिरिक्त 430 अरब डॉलर राशि में 75 अरब डॉलर का योगदान करने की बात कही है। इसके जरिए वित्तीय बाजारों को संदेश देना है कि जरूरी संसाधन उपलब्ध हैं। साथ ही बाजार में विश्वास और शांति को बहाल करना है।’’ सिंह ने मंगलवार को कहा था कि यूरो क्षेत्र को ऋण संकट से उबारने के लिए आईएमएफ की 430 अरब डॉलर की मदद राशि में भारत ने 10 अरब डॉलर का योगदान करने का निर्णय किया है। सिंह ने कहा कि आईएमएफ के प्रोत्साहन पैकेज में भारत का योगदान वैश्विक समुद्राय में जिम्मेदार देश की हमारी पहचान को प्रतिबिंबित करता है। हमें निश्चित रूप से अपनी भूमिका निभानी है।
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने बयान में कहा, ‘‘हमने जो राशि देने की बात कही है, वह पूरी तरह नकद रूप में है। अर्थात अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने मदद देने वाले देशों को आश्वस्त किया है कि जब कभी जरूरत पड़ेगी, कोष उपलब्ध होगा। इसीलिए यह हमारे भंडार का हिस्सा है।’’ अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि स्थिति अभी ऐसी नहीं आई है कि प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने जी-20 शिखर सम्मेलन में 10 अरब डॉलर के योगदान को लेकर जो प्रतिबद्धता जताई उसे अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष को हस्तांरित किया जाए।टिप्पणियां
आर्थिक मामलों के विभाग के सचिव आर गोपालन ने कहा, ‘‘यह योगदान हमारे मुद्राभंडार से जुड़ा है। यदि वैश्विक स्थिति बेहतर होती है तो भारत यह राशि शायद न दे।’’
गोपालन ने कहा, ‘‘भारत का 10 अरब डॉलर का योगदान ब्रिक्स देशों द्वारा आईएमएफ को दी जाने वाली 75 अरब डॉलर की मदद का हिस्सा है। ब्रिक्स देशों ने आईएमएफ को दी जाने वाली अतिरिक्त 430 अरब डॉलर राशि में 75 अरब डॉलर का योगदान करने की बात कही है। इसके जरिए वित्तीय बाजारों को संदेश देना है कि जरूरी संसाधन उपलब्ध हैं। साथ ही बाजार में विश्वास और शांति को बहाल करना है।’’ सिंह ने मंगलवार को कहा था कि यूरो क्षेत्र को ऋण संकट से उबारने के लिए आईएमएफ की 430 अरब डॉलर की मदद राशि में भारत ने 10 अरब डॉलर का योगदान करने का निर्णय किया है। सिंह ने कहा कि आईएमएफ के प्रोत्साहन पैकेज में भारत का योगदान वैश्विक समुद्राय में जिम्मेदार देश की हमारी पहचान को प्रतिबिंबित करता है। हमें निश्चित रूप से अपनी भूमिका निभानी है।
आर्थिक मामलों के विभाग के सचिव आर गोपालन ने कहा, ‘‘यह योगदान हमारे मुद्राभंडार से जुड़ा है। यदि वैश्विक स्थिति बेहतर होती है तो भारत यह राशि शायद न दे।’’
गोपालन ने कहा, ‘‘भारत का 10 अरब डॉलर का योगदान ब्रिक्स देशों द्वारा आईएमएफ को दी जाने वाली 75 अरब डॉलर की मदद का हिस्सा है। ब्रिक्स देशों ने आईएमएफ को दी जाने वाली अतिरिक्त 430 अरब डॉलर राशि में 75 अरब डॉलर का योगदान करने की बात कही है। इसके जरिए वित्तीय बाजारों को संदेश देना है कि जरूरी संसाधन उपलब्ध हैं। साथ ही बाजार में विश्वास और शांति को बहाल करना है।’’ सिंह ने मंगलवार को कहा था कि यूरो क्षेत्र को ऋण संकट से उबारने के लिए आईएमएफ की 430 अरब डॉलर की मदद राशि में भारत ने 10 अरब डॉलर का योगदान करने का निर्णय किया है। सिंह ने कहा कि आईएमएफ के प्रोत्साहन पैकेज में भारत का योगदान वैश्विक समुद्राय में जिम्मेदार देश की हमारी पहचान को प्रतिबिंबित करता है। हमें निश्चित रूप से अपनी भूमिका निभानी है।
गोपालन ने कहा, ‘‘भारत का 10 अरब डॉलर का योगदान ब्रिक्स देशों द्वारा आईएमएफ को दी जाने वाली 75 अरब डॉलर की मदद का हिस्सा है। ब्रिक्स देशों ने आईएमएफ को दी जाने वाली अतिरिक्त 430 अरब डॉलर राशि में 75 अरब डॉलर का योगदान करने की बात कही है। इसके जरिए वित्तीय बाजारों को संदेश देना है कि जरूरी संसाधन उपलब्ध हैं। साथ ही बाजार में विश्वास और शांति को बहाल करना है।’’ सिंह ने मंगलवार को कहा था कि यूरो क्षेत्र को ऋण संकट से उबारने के लिए आईएमएफ की 430 अरब डॉलर की मदद राशि में भारत ने 10 अरब डॉलर का योगदान करने का निर्णय किया है। सिंह ने कहा कि आईएमएफ के प्रोत्साहन पैकेज में भारत का योगदान वैश्विक समुद्राय में जिम्मेदार देश की हमारी पहचान को प्रतिबिंबित करता है। हमें निश्चित रूप से अपनी भूमिका निभानी है। | भारत वैश्विक आर्थिक स्थिति में सुधार होने पर, ऋण संकट में फंसे यूरो क्षेत्र की मदद के लिए अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष को दी जाने वाली 10 अरब डॉलर की राशि शायद न दे। | 28 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: हालिया विधानसभा चुनावों में हार के बाद बीजेपी को (BJP) मुसीबत झेलनी पड़ रही. वजह कि एनडीए के सहयोगी दल अब खुलकर आवाज उठाने लगे हैं. सहयोग दलों की ओर से बीजेपी से पिछली बार की तुलना में न केवल अधिक सीटों की मांग हो रही है, बल्कि अपने मान-सम्मान की भी दुहाई दी जा रही. कई स्तर से उभर रहीं असंतोष की इन आवाजों के बीच पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव ने 2019 के लोकसभा चुनाव के मद्देनजर बीजेपी के प्लान- बी की तरफ संकेत किए हैं. यह ऐसा रोडमैप है, जिसके जरिए बीजेपी सहयोगी दलों की नाराजगी से हर नुकसान की भरपाई की कोशिश में है. पार्टी के वरिष्ठ नेता राम माधव की बातों से इस प्लान- बी के संकेत मिलते हैं. उनका यह बयान काबिलेगौर है," यह सच है कि उपेंद्र कुशवाहा जैसे कुछ छोटे सहयोगियों ने हमें छोड़ने का फैसला किया है, लेकिन हम नए सहयोगियों को अपने पाले में लाने पर काम कर रहे हैं. विशेष रूप से दक्षिण भारत और पूर्वी भारत में. "
बीजेपी कैंप में यूं ही नहीं चिंता है. पिछले कुछ महीनों के भीतर अलग-अलग राज्यों के तीन प्रमुख सहयोगियों के साथ बीजेपी की पटरी नहीं खाई. मार्च में आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू की तेलगू देशम पार्टी(टीडीपी) बीजेपी की अगुवाई वाले एनडीए से अलग हो गई. वहीं जम्मू-कश्मीर में महबूबा मुफ्ती से पटरी नहीं खाई तो बीजेपी ने अगस्त में समर्थन वापस ले लिया, जिससे सरकार गिरने से अब महबूबा बीजेपी से दूर जा चुकीं हैं. वहीं, हाल में बिहार में भी झटका लगा, जब वहां अपने स्वजातीय और ओबीसी मतदाताओं के बीच प्रभावशाली उपेंद्र कुशवाहा ने भी साथ छोड़ने का फैसला कर लिया. राम विलास पासवान और उनके बेटे चिराग पासवान की भी एनडीए से नाराजगी चल रही थी. मगर बीजेपी ने पिछले हफ्ते ही छह लोकसभा और एक राज्यसभा सीट का ऑफर देकर गिले-शिकवे दूर करने में सफलता हासिल की. मामला अभी थमा नहीं था कि यूपी में सहयोगी दल अपना दल ने भी असंतोष का इजहार कर दिया. अपना दल ने पार्टी की समस्याएं शीर्ष स्तर से दूर न होने की स्थिति में यूपी में सभी सरकारी कार्यक्रमों के बहिष्कार की चेतावनी दी है. हालांकि राम माधव ने एनडीए से जुड़ने वाले किसी नए संभावित दल का नाम नहीं लिया है.
बीजेपी के ये हो सकते हैं नए सहयोगी दल
अटकलें हैं कि तमिलनाडु की सत्ताधारी एआइएडीएमके केंद्र में बीजेपी की नई सहयोगी पार्टी हो सकती है. इन बातों को इसलिए भी बल मिला है, क्योंकि पिछले दिनों जब पीएम मोदी चेन्नई में एक कार्यक्रम में गए थे तो वहां सत्ताधारी दल के नेताओं की ओर से गर्मजोशी से स्वागत किया गया था. वहीं, राजनीति में उतरने वाले फिल्म अभिनेता रजनीकांत के भी बीजेपी के साथ आने की चर्चाएं तेज हैं. दक्षिण भारत के दूसरे सूबे तेलंगाान की बात करें तो यहां सत्ताधारी टीआरएस के मुखिया और मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव(केसीआर) बीजेपी और कांग्रेस से अलग तीसरे मोर्चे की वकालत करते हैं. मगर बीजेपी से भी उनकी नजदीकियां रहीं हैं. पीएम मोदी से कई बार मुलाकात कर चुके हैं.
तेलंगाना के मुख्यमंत्री केसीआर और उनकी पार्टी टीआरएस पर कांग्रेस बीजेपी की बी पार्टी होने का इल्जाम लगाती रही है. पूर्वी भारत की बात करें तो ओडिशा के सीएम नवीन पटनायक अब तक बीजेपी और कांग्रेस से समान दूरी बरतते रहे हैं. हालांकि, राज्यसभा के डिप्टी स्पीकर पद के चुनाव के दौरान उनकी पार्टी बीजद ने एनडीए उम्मीदवार हरिवंश नारायण सिंह को समर्थन दिया था. तब पीएम नरेंद्र मोदी ने मुख्यमंत्री पटनायक से बात कर समर्थन मांगा था. उनकी पार्टी के आठ वोट की बदौलत एनडीए राज्यसभा के उपसभापति पद के चुनाव में विजय पताका फहराने में सफल हुई थी. माना जा रहा है कि बीजेपी इन दलों को अपने साथ लाकर दूर जाने वाले दलों से होने वाले नुकसान की भरपाई करने की कोशिश में है. | यहाँ एक सारांश है:बीजेपी से नाराज चल रहे सहयोगी दल, कई हो चुके हैं दूर
परेशान बीजेपी ने हालात से निपटने को बनाया प्लान- बी
बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव ने दिए संकेत | 15 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: बहरीन जा रहे एक निजी एयरलाइन के उड़ान भरने के दौरान एक बिच्छू द्वारा एक यात्री को डंक मार दिए जाने के कारण विमान को रोकना पड़ा। बिच्छू के डंक मारने के बाद यात्री चिल्ला उठा, ओह माई गॉड।टिप्पणियां
हवाई अड्डे के सूत्रों ने बताया कि पुडुचेरी के रहने वाले 35 वर्षीय विद्यासागर को काले बिच्छू ने डंक मार दिया। माना जा रहा है कि यह बिच्छू सागर के कोट पर था।
विमान को उड़ने से रोक दिया गया और यात्री को स्वास्थ्य जांच के लिए टर्मिनल पर वापस लाया गया। सूत्रों ने बताया कि उपचार के बाद, उसे यात्रा करने की अनुमति दे दी गई लेकिन यात्री ने यात्रा पर नहीं जाने का निर्णय लिया। यात्रियों ने बिच्छू को मार दिया। उन्होंने बताया कि लगभग 30 मिनट की देरी के बाद विमान गंतव्य की ओर रवाना हुआ।
हवाई अड्डे के सूत्रों ने बताया कि पुडुचेरी के रहने वाले 35 वर्षीय विद्यासागर को काले बिच्छू ने डंक मार दिया। माना जा रहा है कि यह बिच्छू सागर के कोट पर था।
विमान को उड़ने से रोक दिया गया और यात्री को स्वास्थ्य जांच के लिए टर्मिनल पर वापस लाया गया। सूत्रों ने बताया कि उपचार के बाद, उसे यात्रा करने की अनुमति दे दी गई लेकिन यात्री ने यात्रा पर नहीं जाने का निर्णय लिया। यात्रियों ने बिच्छू को मार दिया। उन्होंने बताया कि लगभग 30 मिनट की देरी के बाद विमान गंतव्य की ओर रवाना हुआ।
विमान को उड़ने से रोक दिया गया और यात्री को स्वास्थ्य जांच के लिए टर्मिनल पर वापस लाया गया। सूत्रों ने बताया कि उपचार के बाद, उसे यात्रा करने की अनुमति दे दी गई लेकिन यात्री ने यात्रा पर नहीं जाने का निर्णय लिया। यात्रियों ने बिच्छू को मार दिया। उन्होंने बताया कि लगभग 30 मिनट की देरी के बाद विमान गंतव्य की ओर रवाना हुआ। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: बहरीन जा रहे एक निजी एयरलाइन के उड़ान भरने के दौरान एक बिच्छू द्वारा एक यात्री को डंक मार दिए जाने के कारण विमान को रोकना पड़ा। | 32 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: इंग्लैंड क्रिकेट टीम ने अपने हरफनमौला खेल की बदौलत लॉर्ड्स क्रिकेट मैदान पर खेले गए एशेज-2013 के दूसरे टेस्ट मैच के चौथे दिन रविवार को ऑस्ट्रेलिया को 347 रनों से हरा दिया। इस जीत के साथ इंग्लैंड ने पांच मैचों की शृंखला में 2-0 की बढ़त हासिल कर ली है। इंग्लैंड ने ट्रेंट ब्रिज मैदान पर खेले गए पहले टेस्ट मैच में 14 रनों से जीत हासिल की थी। लॉड्स में इंग्लैंड ने अपनी 50वीं टेस्ट जीत हासिल की है।
पहली पारी में पांच विकेट लेने वाले ग्रीम स्वान के नेतृत्व में अपने गेंदबाजों के उम्दा प्रदर्शन की बदौलत इंग्लैंड ने 192 रनों पर ही मेहमान टीम को नौ विकेट झटक लिए थे लेकिन जेम्स पेटिंसन (35) और रेयान हैरिस (नाबाद 16) ने अंतिम विकेट के लिए 43 रनों की साझेदारी करते हुए मेजबान टीम को लम्बा इंतजार कराया।
एक समय ऐसा लग रहा था कि इंग्लैंड को जीत का स्वाद चखने के लिए पांचवें दिन मैदान पर उतरना पड़ेगा लेकिन स्वान ने कप्तान एलिस्टर कुक के आधे घंटे अतिरिक्त समय तक खेलने के फैसले को सही साबित करते हुए पारी के 91वें ओवर की तीसरी गेंद पर पेंटिंसन को बोल्ड करके अपनी टीम को यादगार जीत दिलाई।
पेटिंसन ने अपनी 91 गेंदों की पारी में तीन चौके लगाए। हैरिस 40 गेंदों पर एक चौका लगाकर नाबाद लौटे। दूसरी पारी में स्वान ने चार विकेट लिए और कुल नौ विकेटों के साथ मैच की समाप्ति की।
दूसरी पारी में जेम्स एंडरसन, टिम ब्रेस्नन और जोए रूट को भी दो-दो सफलता हाथ लगी।
दूसरी पारी में ऑस्ट्रेलिया की ओर से उस्मान ख्वाजा ने सबसे अधिक 54 रन बनाए जबकि कप्तान माइकल क्लार्क के बल्ले से 51 रन निकले। चार बल्लेबाज खाता तक नहीं खोल सके।टिप्पणियां
इंग्लैंड ने अपनी पहली पारी में 361 रन बनाने के बाद ऑस्ट्रेलिया की पहली पारी 128 रनों पर समेट दी थी। इसके बाद इंग्लैंड ने रूट के 180 रनों की बदौलत अपनी दूसरी पारी सात विकेट पर 349 रन बनाकर घोषित कर दी। इस तरह इंग्लैंड ने ऑस्ट्रेलिया के सामने 583 रनों का लक्ष्य रखा।
यह लक्ष्य वैसे भी ऑस्ट्रेलिया के लिए बहुत मुश्किल था। इस मैच को जीतने के लिए ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को इतिहास कायम करने वाली साझेदारियों की जरूरत थी क्योंकि इस मैदान पर किसी टीम ने जिस सबसे बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए जीत हासिल की थी वह सिर्फ 344 रनों की ही रहा है।
पहली पारी में पांच विकेट लेने वाले ग्रीम स्वान के नेतृत्व में अपने गेंदबाजों के उम्दा प्रदर्शन की बदौलत इंग्लैंड ने 192 रनों पर ही मेहमान टीम को नौ विकेट झटक लिए थे लेकिन जेम्स पेटिंसन (35) और रेयान हैरिस (नाबाद 16) ने अंतिम विकेट के लिए 43 रनों की साझेदारी करते हुए मेजबान टीम को लम्बा इंतजार कराया।
एक समय ऐसा लग रहा था कि इंग्लैंड को जीत का स्वाद चखने के लिए पांचवें दिन मैदान पर उतरना पड़ेगा लेकिन स्वान ने कप्तान एलिस्टर कुक के आधे घंटे अतिरिक्त समय तक खेलने के फैसले को सही साबित करते हुए पारी के 91वें ओवर की तीसरी गेंद पर पेंटिंसन को बोल्ड करके अपनी टीम को यादगार जीत दिलाई।
पेटिंसन ने अपनी 91 गेंदों की पारी में तीन चौके लगाए। हैरिस 40 गेंदों पर एक चौका लगाकर नाबाद लौटे। दूसरी पारी में स्वान ने चार विकेट लिए और कुल नौ विकेटों के साथ मैच की समाप्ति की।
दूसरी पारी में जेम्स एंडरसन, टिम ब्रेस्नन और जोए रूट को भी दो-दो सफलता हाथ लगी।
दूसरी पारी में ऑस्ट्रेलिया की ओर से उस्मान ख्वाजा ने सबसे अधिक 54 रन बनाए जबकि कप्तान माइकल क्लार्क के बल्ले से 51 रन निकले। चार बल्लेबाज खाता तक नहीं खोल सके।टिप्पणियां
इंग्लैंड ने अपनी पहली पारी में 361 रन बनाने के बाद ऑस्ट्रेलिया की पहली पारी 128 रनों पर समेट दी थी। इसके बाद इंग्लैंड ने रूट के 180 रनों की बदौलत अपनी दूसरी पारी सात विकेट पर 349 रन बनाकर घोषित कर दी। इस तरह इंग्लैंड ने ऑस्ट्रेलिया के सामने 583 रनों का लक्ष्य रखा।
यह लक्ष्य वैसे भी ऑस्ट्रेलिया के लिए बहुत मुश्किल था। इस मैच को जीतने के लिए ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को इतिहास कायम करने वाली साझेदारियों की जरूरत थी क्योंकि इस मैदान पर किसी टीम ने जिस सबसे बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए जीत हासिल की थी वह सिर्फ 344 रनों की ही रहा है।
एक समय ऐसा लग रहा था कि इंग्लैंड को जीत का स्वाद चखने के लिए पांचवें दिन मैदान पर उतरना पड़ेगा लेकिन स्वान ने कप्तान एलिस्टर कुक के आधे घंटे अतिरिक्त समय तक खेलने के फैसले को सही साबित करते हुए पारी के 91वें ओवर की तीसरी गेंद पर पेंटिंसन को बोल्ड करके अपनी टीम को यादगार जीत दिलाई।
पेटिंसन ने अपनी 91 गेंदों की पारी में तीन चौके लगाए। हैरिस 40 गेंदों पर एक चौका लगाकर नाबाद लौटे। दूसरी पारी में स्वान ने चार विकेट लिए और कुल नौ विकेटों के साथ मैच की समाप्ति की।
दूसरी पारी में जेम्स एंडरसन, टिम ब्रेस्नन और जोए रूट को भी दो-दो सफलता हाथ लगी।
दूसरी पारी में ऑस्ट्रेलिया की ओर से उस्मान ख्वाजा ने सबसे अधिक 54 रन बनाए जबकि कप्तान माइकल क्लार्क के बल्ले से 51 रन निकले। चार बल्लेबाज खाता तक नहीं खोल सके।टिप्पणियां
इंग्लैंड ने अपनी पहली पारी में 361 रन बनाने के बाद ऑस्ट्रेलिया की पहली पारी 128 रनों पर समेट दी थी। इसके बाद इंग्लैंड ने रूट के 180 रनों की बदौलत अपनी दूसरी पारी सात विकेट पर 349 रन बनाकर घोषित कर दी। इस तरह इंग्लैंड ने ऑस्ट्रेलिया के सामने 583 रनों का लक्ष्य रखा।
यह लक्ष्य वैसे भी ऑस्ट्रेलिया के लिए बहुत मुश्किल था। इस मैच को जीतने के लिए ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को इतिहास कायम करने वाली साझेदारियों की जरूरत थी क्योंकि इस मैदान पर किसी टीम ने जिस सबसे बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए जीत हासिल की थी वह सिर्फ 344 रनों की ही रहा है।
पेटिंसन ने अपनी 91 गेंदों की पारी में तीन चौके लगाए। हैरिस 40 गेंदों पर एक चौका लगाकर नाबाद लौटे। दूसरी पारी में स्वान ने चार विकेट लिए और कुल नौ विकेटों के साथ मैच की समाप्ति की।
दूसरी पारी में जेम्स एंडरसन, टिम ब्रेस्नन और जोए रूट को भी दो-दो सफलता हाथ लगी।
दूसरी पारी में ऑस्ट्रेलिया की ओर से उस्मान ख्वाजा ने सबसे अधिक 54 रन बनाए जबकि कप्तान माइकल क्लार्क के बल्ले से 51 रन निकले। चार बल्लेबाज खाता तक नहीं खोल सके।टिप्पणियां
इंग्लैंड ने अपनी पहली पारी में 361 रन बनाने के बाद ऑस्ट्रेलिया की पहली पारी 128 रनों पर समेट दी थी। इसके बाद इंग्लैंड ने रूट के 180 रनों की बदौलत अपनी दूसरी पारी सात विकेट पर 349 रन बनाकर घोषित कर दी। इस तरह इंग्लैंड ने ऑस्ट्रेलिया के सामने 583 रनों का लक्ष्य रखा।
यह लक्ष्य वैसे भी ऑस्ट्रेलिया के लिए बहुत मुश्किल था। इस मैच को जीतने के लिए ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को इतिहास कायम करने वाली साझेदारियों की जरूरत थी क्योंकि इस मैदान पर किसी टीम ने जिस सबसे बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए जीत हासिल की थी वह सिर्फ 344 रनों की ही रहा है।
दूसरी पारी में जेम्स एंडरसन, टिम ब्रेस्नन और जोए रूट को भी दो-दो सफलता हाथ लगी।
दूसरी पारी में ऑस्ट्रेलिया की ओर से उस्मान ख्वाजा ने सबसे अधिक 54 रन बनाए जबकि कप्तान माइकल क्लार्क के बल्ले से 51 रन निकले। चार बल्लेबाज खाता तक नहीं खोल सके।टिप्पणियां
इंग्लैंड ने अपनी पहली पारी में 361 रन बनाने के बाद ऑस्ट्रेलिया की पहली पारी 128 रनों पर समेट दी थी। इसके बाद इंग्लैंड ने रूट के 180 रनों की बदौलत अपनी दूसरी पारी सात विकेट पर 349 रन बनाकर घोषित कर दी। इस तरह इंग्लैंड ने ऑस्ट्रेलिया के सामने 583 रनों का लक्ष्य रखा।
यह लक्ष्य वैसे भी ऑस्ट्रेलिया के लिए बहुत मुश्किल था। इस मैच को जीतने के लिए ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को इतिहास कायम करने वाली साझेदारियों की जरूरत थी क्योंकि इस मैदान पर किसी टीम ने जिस सबसे बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए जीत हासिल की थी वह सिर्फ 344 रनों की ही रहा है।
दूसरी पारी में ऑस्ट्रेलिया की ओर से उस्मान ख्वाजा ने सबसे अधिक 54 रन बनाए जबकि कप्तान माइकल क्लार्क के बल्ले से 51 रन निकले। चार बल्लेबाज खाता तक नहीं खोल सके।टिप्पणियां
इंग्लैंड ने अपनी पहली पारी में 361 रन बनाने के बाद ऑस्ट्रेलिया की पहली पारी 128 रनों पर समेट दी थी। इसके बाद इंग्लैंड ने रूट के 180 रनों की बदौलत अपनी दूसरी पारी सात विकेट पर 349 रन बनाकर घोषित कर दी। इस तरह इंग्लैंड ने ऑस्ट्रेलिया के सामने 583 रनों का लक्ष्य रखा।
यह लक्ष्य वैसे भी ऑस्ट्रेलिया के लिए बहुत मुश्किल था। इस मैच को जीतने के लिए ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को इतिहास कायम करने वाली साझेदारियों की जरूरत थी क्योंकि इस मैदान पर किसी टीम ने जिस सबसे बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए जीत हासिल की थी वह सिर्फ 344 रनों की ही रहा है।
इंग्लैंड ने अपनी पहली पारी में 361 रन बनाने के बाद ऑस्ट्रेलिया की पहली पारी 128 रनों पर समेट दी थी। इसके बाद इंग्लैंड ने रूट के 180 रनों की बदौलत अपनी दूसरी पारी सात विकेट पर 349 रन बनाकर घोषित कर दी। इस तरह इंग्लैंड ने ऑस्ट्रेलिया के सामने 583 रनों का लक्ष्य रखा।
यह लक्ष्य वैसे भी ऑस्ट्रेलिया के लिए बहुत मुश्किल था। इस मैच को जीतने के लिए ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को इतिहास कायम करने वाली साझेदारियों की जरूरत थी क्योंकि इस मैदान पर किसी टीम ने जिस सबसे बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए जीत हासिल की थी वह सिर्फ 344 रनों की ही रहा है।
यह लक्ष्य वैसे भी ऑस्ट्रेलिया के लिए बहुत मुश्किल था। इस मैच को जीतने के लिए ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को इतिहास कायम करने वाली साझेदारियों की जरूरत थी क्योंकि इस मैदान पर किसी टीम ने जिस सबसे बड़े लक्ष्य का पीछा करते हुए जीत हासिल की थी वह सिर्फ 344 रनों की ही रहा है। | संक्षिप्त सारांश: इंग्लैंड क्रिकेट टीम ने अपने हरफनमौला खेल की बदौलत लॉर्ड्स क्रिकेट मैदान पर खेले गए एशेज-2013 के दूसरे टेस्ट मैच के चौथे दिन रविवार को ऑस्ट्रेलिया को 347 रनों से हरा दिया। | 29 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पुर्तगाल में 65 हजार से अधिक भारतीयों के योगदान की प्रशंसा की और कहा कि वे भारत के 'वास्तविक राजदूत' हैं और उन्होंने इस देश की संस्कृति को समृद्ध किया है, जिसे उन्होंने अपना घर बनाया है.
पीएम मोदी ने लिस्बन में प्रवासी भारतीयों को संबोधित करते हुए कहा, 'भारतीय अपने साथ अपनी सांस्कृतिक विरासत लेकर आए और उन्हें उसका हमेशा ही गर्व रहता है.' प्रधानमंत्री ने भारत में भाषा की विविधता का उल्लेख करते हुए कहा कि भारतीय जहां भी रहते हैं स्वयं को उसकी संस्कृति के अनुकूल बना लेते हैं.
भारत के साथ पुर्तगाल के ऐतिहासिक संबंधों पर प्रधानमंत्री ने कहा कि यह देश भारत के साथ कई तरह से जुड़ा हुआ है, जिसमें खेल भी शामिल है. उन्होंने कहा, क्रिस्टियानो रोनाल्डो का नाम किसने नहीं सुना है. उनका नाम भारत के प्रत्येक खिलाड़ी में जोश भर देता है.
उन्होंने कहा कि पुर्तगाल का भारत के साथ ऐतिहासिक संबंध है, लेकिन गुजरात के साथ उसका संबंध विशेष है. उन्होंने कच्छ के नाविक कांजी मालम की कहानी सुनाई, जिसने 1497 में पुर्तगाली नाविक वास्को डि गामा को यूरोप से भारत तक के समुद्री मार्ग का पता लगाने में मदद की थी. टिप्पणियां
प्रधानमंत्री ने योग का संदेश फैलाने में पुर्तगाल की भूमिका का भी जिक्र किया. पीएम मोदी ने योग के जरिये पुर्तगाल में तंदुरूस्ती को बढ़ावा देने वाले आंदोलन चलाने को लेकर पुर्तगाल के प्रधानमंत्री एंटोनियो कोस्टा का शुक्रिया अदा किया. उन्होंने संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरस के साथ अस्ताना में हुई अपनी हालिया बैठक के बारे में भी बात की. गुटेरस पुर्तगाल के पूर्व प्रधानमंत्री हैं.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
पीएम मोदी ने लिस्बन में प्रवासी भारतीयों को संबोधित करते हुए कहा, 'भारतीय अपने साथ अपनी सांस्कृतिक विरासत लेकर आए और उन्हें उसका हमेशा ही गर्व रहता है.' प्रधानमंत्री ने भारत में भाषा की विविधता का उल्लेख करते हुए कहा कि भारतीय जहां भी रहते हैं स्वयं को उसकी संस्कृति के अनुकूल बना लेते हैं.
भारत के साथ पुर्तगाल के ऐतिहासिक संबंधों पर प्रधानमंत्री ने कहा कि यह देश भारत के साथ कई तरह से जुड़ा हुआ है, जिसमें खेल भी शामिल है. उन्होंने कहा, क्रिस्टियानो रोनाल्डो का नाम किसने नहीं सुना है. उनका नाम भारत के प्रत्येक खिलाड़ी में जोश भर देता है.
उन्होंने कहा कि पुर्तगाल का भारत के साथ ऐतिहासिक संबंध है, लेकिन गुजरात के साथ उसका संबंध विशेष है. उन्होंने कच्छ के नाविक कांजी मालम की कहानी सुनाई, जिसने 1497 में पुर्तगाली नाविक वास्को डि गामा को यूरोप से भारत तक के समुद्री मार्ग का पता लगाने में मदद की थी. टिप्पणियां
प्रधानमंत्री ने योग का संदेश फैलाने में पुर्तगाल की भूमिका का भी जिक्र किया. पीएम मोदी ने योग के जरिये पुर्तगाल में तंदुरूस्ती को बढ़ावा देने वाले आंदोलन चलाने को लेकर पुर्तगाल के प्रधानमंत्री एंटोनियो कोस्टा का शुक्रिया अदा किया. उन्होंने संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरस के साथ अस्ताना में हुई अपनी हालिया बैठक के बारे में भी बात की. गुटेरस पुर्तगाल के पूर्व प्रधानमंत्री हैं.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
भारत के साथ पुर्तगाल के ऐतिहासिक संबंधों पर प्रधानमंत्री ने कहा कि यह देश भारत के साथ कई तरह से जुड़ा हुआ है, जिसमें खेल भी शामिल है. उन्होंने कहा, क्रिस्टियानो रोनाल्डो का नाम किसने नहीं सुना है. उनका नाम भारत के प्रत्येक खिलाड़ी में जोश भर देता है.
उन्होंने कहा कि पुर्तगाल का भारत के साथ ऐतिहासिक संबंध है, लेकिन गुजरात के साथ उसका संबंध विशेष है. उन्होंने कच्छ के नाविक कांजी मालम की कहानी सुनाई, जिसने 1497 में पुर्तगाली नाविक वास्को डि गामा को यूरोप से भारत तक के समुद्री मार्ग का पता लगाने में मदद की थी. टिप्पणियां
प्रधानमंत्री ने योग का संदेश फैलाने में पुर्तगाल की भूमिका का भी जिक्र किया. पीएम मोदी ने योग के जरिये पुर्तगाल में तंदुरूस्ती को बढ़ावा देने वाले आंदोलन चलाने को लेकर पुर्तगाल के प्रधानमंत्री एंटोनियो कोस्टा का शुक्रिया अदा किया. उन्होंने संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरस के साथ अस्ताना में हुई अपनी हालिया बैठक के बारे में भी बात की. गुटेरस पुर्तगाल के पूर्व प्रधानमंत्री हैं.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
उन्होंने कहा कि पुर्तगाल का भारत के साथ ऐतिहासिक संबंध है, लेकिन गुजरात के साथ उसका संबंध विशेष है. उन्होंने कच्छ के नाविक कांजी मालम की कहानी सुनाई, जिसने 1497 में पुर्तगाली नाविक वास्को डि गामा को यूरोप से भारत तक के समुद्री मार्ग का पता लगाने में मदद की थी. टिप्पणियां
प्रधानमंत्री ने योग का संदेश फैलाने में पुर्तगाल की भूमिका का भी जिक्र किया. पीएम मोदी ने योग के जरिये पुर्तगाल में तंदुरूस्ती को बढ़ावा देने वाले आंदोलन चलाने को लेकर पुर्तगाल के प्रधानमंत्री एंटोनियो कोस्टा का शुक्रिया अदा किया. उन्होंने संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरस के साथ अस्ताना में हुई अपनी हालिया बैठक के बारे में भी बात की. गुटेरस पुर्तगाल के पूर्व प्रधानमंत्री हैं.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
प्रधानमंत्री ने योग का संदेश फैलाने में पुर्तगाल की भूमिका का भी जिक्र किया. पीएम मोदी ने योग के जरिये पुर्तगाल में तंदुरूस्ती को बढ़ावा देने वाले आंदोलन चलाने को लेकर पुर्तगाल के प्रधानमंत्री एंटोनियो कोस्टा का शुक्रिया अदा किया. उन्होंने संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरस के साथ अस्ताना में हुई अपनी हालिया बैठक के बारे में भी बात की. गुटेरस पुर्तगाल के पूर्व प्रधानमंत्री हैं.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | यह एक सारांश है: 'पुर्तगाल का भारत के साथ ऐतिहासिक संबंध है'
'भारतीयों ने पुर्तगाल की संस्कृति को समृद्ध किया है'
'योग को बढ़ावा देने के लिए पुर्तगाल के पीएम का शुक्रिया' | 16 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: लोकसभा चुनावों की घोषणा से पहले ही कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी, बीजेपी और पीएम मोदी पर हमलावर रुख अपना रहे थे. वह 2014 के चुनावों से सबक लेकर पहले ही चुनावी ताल ठोंक चुके थे और पीएम मोदी को भ्रष्टाचार और बेरोजगारी के मुद्दे पर घेरने की कोशिश कर रहे थे. अचानक राफेल मामले ने पूरे देश में कांग्रेस को अपना पक्ष मजबूत करने का मौका दे दिया और राहुल राफेल को आधार बनाकर पीएम मोदी पर हमला करने लगे. राहुल के राफेल पर उठाए सवालों से बीजेपी बैकफुट पर नजर आने लगी और राहुल को पब्लिक के बीच अपना अस्तित्व बनाने का मौका मिल गया. पीएम मोदी हमेशा खुद को चौकीदार बताते थे. ऐसे में राहुल ने अपनी जनसभाओं में कहना शुरू किया कि चौकीदार चोर है. राहुल का मतलब साफ था लेकिन वह पीएम का नाम लेकर हमला नहीं कर रहे थे बल्कि बार-बार अपनी सभाओं में वह इसी नारे को दोहराने लगे. बीजेपी के आलोचकों को ये नारा पसंद आने लगा और धीरे-धीरे यह इस चुनाव का सबसे पॉपुलर नारा बन गया. हालांकि राहुल के इस बयान पर विवाद भी हुआ और उन्हें सुप्रीम कोर्ट में इस बयान के लिए खेद भी जताना पड़ा.
बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए उन्हें एक्सपायरी-पीएम कहा था. उन्होंने कहा था कि चक्रवात फानी पर बातचीत करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कॉल को जवाब इसलिए नहीं दिया, क्योंकि वह 'एक्सपायरी-पीएम' के साथ मंच साझा नहीं करना चाहतीं. इससे पहले पीएम मोदी ने ममता बनर्जी को स्पीडब्रेकर दीदी बताते हुए कहा था कि उन्होंने फानी तूफान पर भी राजनीति करने की कोशिश की. उन्होंने कहा था मैंने ममता बनर्जी से संपर्क करने की कोशिश की, मगर उनका अहंकार इतना अधिक है कि उन्होंने मुझसे बात करने से भी मना कर दिया.
रैलियों, जनसभाओं के बाद नेताओं के भाषण अखबारों में छपते हैं, टीवी व वॉट्सएप, फेसबुक जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भी रिपीट होते रहते हैं इसलिए उनकी कही बातें लोगों के जहन में बस जाती हैं. देखने में आया है कि लगभग सभी नेता पिछले दो महीने से अपनी सभी सभाओं में प्राय: एक जैसी बात, एक जैसे नारे देते दिखाई देते हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी सभाओं में कांग्रेस नेताओं तथा समर्थकों को 'रागदरबारी' और 'राजदरबारी' बताते हुए कांग्रेस अध्यक्ष (राहुल गांधी) को 'नामदार' और खुद को 'कामदार' बताते हैं. वह राहुल और यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी का नाम लिए बिना 'नामदार' बनाम 'कामदार' का हवाला अपने भाषण में कई बार दे चुके हैं.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आंध्रप्रदेश में एक रैली को संबोधित करते हुए कहा था, 'यहां नई राजधानी से लेकर अलग-अलग परियोजनाओं में क्या-क्या खेल हो रहे हैं, किसकी तिजोरियां भरी जा रही हैं, ये आंध्र प्रदेश की जनता भलीभांति जानती है. आपके इस चौकीदार ने जब इस खेल पर सवाल उठाए, जब हिसाब लेने की कोशिश की तो U-turn बाबू (चंद्रबाबू नायडू) ने आंध्र के विकास के वादे से भी U-turn ले लिया और एनडीए से खुद को अलग कर लिया. अब U-turn बाबू ने ऐसे दोस्तों को ढूंढा है, जो Bail गाड़ी पर चलते हैं. Bail गाड़ी, यानी जो भ्रष्टाचार के आरोप में जमानत पर हैं और अपनी राजनीति की गाड़ी चला रहे हैं. U-turn बाबू, झूठ बोलने में जितने माहिर हैं, केंद्र की योजनाओं पर अपना स्टीकर चिपकाने में भी उतने ही बड़े कलाकार हैं. इसलिए अब लोग इनको 'स्टीकर बाबू' के नाम से भी बुलाने लगे हैं.'
पीएम मोदी ने पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी को स्पीडब्रेकर दीदी कहा था. उन्होंने बंगाल में कहा था, 'मैं अभी, ओडिशा से फोनी से हुए नुकसान का जायजा लेकर यहां आया हूं. यहां पश्चिम बंगाल में भी जो हालात बने हैं, उससे मैं भली-भांति परिचित हूं. जिन साथियों ने इस आपदा में अपनों को खोया है, मैं उनके प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करता हूं. यहां की स्पीड ब्रेकर दीदी (ममता बनर्जी) ने इस चक्रवात पर भी राजनीति करने की कोशिश की है. चक्रवात से पहले मैंने ममता दीदी से फोन पर बात करने की कोशिश की. लेकिन दीदी का अहंकार इतना ज्यादा है, कि उन्होंने मुझसे बात नहीं की. मैं इंतजार करता रहा कि शायद दीदी वापस मुझे फोन करें. लेकिन उन्होंने नहीं किया. मैंने फिर भी, उन्हें दोबारा फोन किया. मैं पश्चिम बंगाल के लोगों के लिए चिंता में था, इसलिए ममता दीदी से बात करना चाहता था. लेकिन दीदी ने दूसरी बार भी मुझसे बात नहीं की.' | संक्षिप्त सारांश: बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ने कहा था- पीएम मोदी एक्सपायरी पीएम हैं
राहुल ने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए कहा था- चौकीदार चोर है
पीएम मोदी ने आंध्र प्रदेश के सीएम को कहा था यू-टर्न बाबू | 10 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी ने रविवार को रामलीला मैदान में पार्टी की महारैली को संबोधित करते हुए आने वाले महीनों में लोकपाल विधेयक संसद से पारित करवाने का वादा किया।
उन्होंने विपक्ष पर इससे पहले के संसद सत्र में इस विधेयक के पारित होने में अड़ंगा लगाने का आरोप लगाया। कांग्रेस के नेतृत्व वाली संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) सरकार की आर्थिक नीतियों एवं सुधारों के समर्थन में आयोजित रैली में राहुल ने कहा, हम जल्द ही संसद में लोकपाल विधेयक पारित करवा लेंगे। इंतजार कीजिए और देखिए।
उन्होंने कहा, इससे पहले के संसद सत्र में विपक्षी दलों ने लोकपाल विधेयक पारित नहीं होने दिया। लेकिन हम इसे फिर संसद में लाएंगे। राहुल ने कहा कि सरकार की एफडीआई नीति से किसानों के लिए शीत भंडारण सुविधाओं के साथ-साथ खाद्य प्रसंस्करण केंद्र भी उपलब्ध होंगे।टिप्पणियां
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का नाम लिए बगैर राहुल ने कहा, विपक्षी दल एफडीआई पर किसानों को गुमराह कर रहे हैं, खासकर हिमाचल प्रदेश में (जहां विधानसभा चुनाव के लिए मतदान जारी हैं)। उन्होंने कहा, एफडीआई से किसानों को नजदीकी स्थान पर शीत भंडारण सुविधाएं तथा खाद्य प्रसंस्करण केंद्र मुहैया कराए जाएंगे, जिनसे उन्हें लाभ होगा।
कांग्रेस महासचिव ने यह भी कहा कि संप्रग की सरकार ही 2005 में सूचना का अधिकार (आरटीआई) कानून लेकर आई, जिससे लोगों को सरकार से कोई भी सूचना प्राप्त करने का हक मिला।
उन्होंने विपक्ष पर इससे पहले के संसद सत्र में इस विधेयक के पारित होने में अड़ंगा लगाने का आरोप लगाया। कांग्रेस के नेतृत्व वाली संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) सरकार की आर्थिक नीतियों एवं सुधारों के समर्थन में आयोजित रैली में राहुल ने कहा, हम जल्द ही संसद में लोकपाल विधेयक पारित करवा लेंगे। इंतजार कीजिए और देखिए।
उन्होंने कहा, इससे पहले के संसद सत्र में विपक्षी दलों ने लोकपाल विधेयक पारित नहीं होने दिया। लेकिन हम इसे फिर संसद में लाएंगे। राहुल ने कहा कि सरकार की एफडीआई नीति से किसानों के लिए शीत भंडारण सुविधाओं के साथ-साथ खाद्य प्रसंस्करण केंद्र भी उपलब्ध होंगे।टिप्पणियां
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का नाम लिए बगैर राहुल ने कहा, विपक्षी दल एफडीआई पर किसानों को गुमराह कर रहे हैं, खासकर हिमाचल प्रदेश में (जहां विधानसभा चुनाव के लिए मतदान जारी हैं)। उन्होंने कहा, एफडीआई से किसानों को नजदीकी स्थान पर शीत भंडारण सुविधाएं तथा खाद्य प्रसंस्करण केंद्र मुहैया कराए जाएंगे, जिनसे उन्हें लाभ होगा।
कांग्रेस महासचिव ने यह भी कहा कि संप्रग की सरकार ही 2005 में सूचना का अधिकार (आरटीआई) कानून लेकर आई, जिससे लोगों को सरकार से कोई भी सूचना प्राप्त करने का हक मिला।
उन्होंने कहा, इससे पहले के संसद सत्र में विपक्षी दलों ने लोकपाल विधेयक पारित नहीं होने दिया। लेकिन हम इसे फिर संसद में लाएंगे। राहुल ने कहा कि सरकार की एफडीआई नीति से किसानों के लिए शीत भंडारण सुविधाओं के साथ-साथ खाद्य प्रसंस्करण केंद्र भी उपलब्ध होंगे।टिप्पणियां
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का नाम लिए बगैर राहुल ने कहा, विपक्षी दल एफडीआई पर किसानों को गुमराह कर रहे हैं, खासकर हिमाचल प्रदेश में (जहां विधानसभा चुनाव के लिए मतदान जारी हैं)। उन्होंने कहा, एफडीआई से किसानों को नजदीकी स्थान पर शीत भंडारण सुविधाएं तथा खाद्य प्रसंस्करण केंद्र मुहैया कराए जाएंगे, जिनसे उन्हें लाभ होगा।
कांग्रेस महासचिव ने यह भी कहा कि संप्रग की सरकार ही 2005 में सूचना का अधिकार (आरटीआई) कानून लेकर आई, जिससे लोगों को सरकार से कोई भी सूचना प्राप्त करने का हक मिला।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का नाम लिए बगैर राहुल ने कहा, विपक्षी दल एफडीआई पर किसानों को गुमराह कर रहे हैं, खासकर हिमाचल प्रदेश में (जहां विधानसभा चुनाव के लिए मतदान जारी हैं)। उन्होंने कहा, एफडीआई से किसानों को नजदीकी स्थान पर शीत भंडारण सुविधाएं तथा खाद्य प्रसंस्करण केंद्र मुहैया कराए जाएंगे, जिनसे उन्हें लाभ होगा।
कांग्रेस महासचिव ने यह भी कहा कि संप्रग की सरकार ही 2005 में सूचना का अधिकार (आरटीआई) कानून लेकर आई, जिससे लोगों को सरकार से कोई भी सूचना प्राप्त करने का हक मिला।
कांग्रेस महासचिव ने यह भी कहा कि संप्रग की सरकार ही 2005 में सूचना का अधिकार (आरटीआई) कानून लेकर आई, जिससे लोगों को सरकार से कोई भी सूचना प्राप्त करने का हक मिला। | सारांश: कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी ने रविवार को रामलीला मैदान में पार्टी की महारैली को संबोधित करते हुए आने वाले महीनों में लोकपाल विधेयक संसद से पारित करवाने का वादा किया। | 31 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: काउंसिल फॉर इंडियन फॉरेन पॉलिसी (भारतीय विदेश नीति परिषद) ने पाकिस्तानी राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी से अनुरोध किया है कि वह नियंत्रण रेखा पर जारी तनाव कम करने में अपनी भूमिका निभाएं।टिप्पणियां
जरदारी के नाम लिखित संदेश में अध्यक्ष वीपी वैदिक ने भारतीय सैनिकों की हत्या जैसी गंभीर गलती करने वाले पाक सैनिकों को दंडित करने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि ऐसा करने से भारतीय लोगों की नजर में उनकी सरकार की विश्वसनीयता बढ़ेगी।
वैदिक ने लिखा है कि इस घटना से दोनों देशों के बीच संबंधों को समान्य बनाने की प्रक्रिया पर प्रतिकूल असर पड़ा है। भारत की जनता इस घटना को लेकर काफी दुखी और गुस्से में है। ऐसे में जनता सरकार पर पाकिस्तान के खिलाफ कड़ा कदम उठाने के लिए दबाव डाल सकती है।
जरदारी के नाम लिखित संदेश में अध्यक्ष वीपी वैदिक ने भारतीय सैनिकों की हत्या जैसी गंभीर गलती करने वाले पाक सैनिकों को दंडित करने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि ऐसा करने से भारतीय लोगों की नजर में उनकी सरकार की विश्वसनीयता बढ़ेगी।
वैदिक ने लिखा है कि इस घटना से दोनों देशों के बीच संबंधों को समान्य बनाने की प्रक्रिया पर प्रतिकूल असर पड़ा है। भारत की जनता इस घटना को लेकर काफी दुखी और गुस्से में है। ऐसे में जनता सरकार पर पाकिस्तान के खिलाफ कड़ा कदम उठाने के लिए दबाव डाल सकती है।
वैदिक ने लिखा है कि इस घटना से दोनों देशों के बीच संबंधों को समान्य बनाने की प्रक्रिया पर प्रतिकूल असर पड़ा है। भारत की जनता इस घटना को लेकर काफी दुखी और गुस्से में है। ऐसे में जनता सरकार पर पाकिस्तान के खिलाफ कड़ा कदम उठाने के लिए दबाव डाल सकती है। | यहाँ एक सारांश है:काउंसिल फॉर इंडियन फॉरेन पॉलिसी (भारतीय विदेश नीति परिषद) ने पाकिस्तानी राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी से अनुरोध किया है कि वह नियंत्रण रेखा पर जारी तनाव कम करने में अपनी भूमिका निभाएं। | 18 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: कोल ब्लॉक आवंटन को लेकर घिरी कांग्रेस ने आज विरोधियों पर पलटवार किया है। लखनऊ में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाकर कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद और दिग्विजय सिंह ने बीजेपी पर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि बीजेपी की राज्य सरकारों की सहमति से ही कोल ब्लॉक बांटे गए और अब बीजेपी इस पूरे मामले से पल्ला झाड़ रही है।टिप्पणियां
वहीं गुलाम नबी आजाद ने कहा कि ऐसा पहली बार हुआ जब संसद में सरकार चर्चा को तैयार है और विपक्ष भाग रहा है।
उधर, बीजेपी के लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, सुषमा स्वराज और अरुण जेटली सहित कई नेताओं ने आज राष्ट्रपति से मुलाकात करके कांग्रेस की शिकायत की है। बीजेपी ने कहा कि सीएजी जैसी संवैधानिक संस्थाओं पर जिस तरह हमले किए जा रहे हैं, वह ठीक नहीं है। उन्होंने साथ ही यह भी कहा कि सीएजी के खिलाफ कांग्रेस का बयान गैर-जिम्मेदाराना है।
वहीं गुलाम नबी आजाद ने कहा कि ऐसा पहली बार हुआ जब संसद में सरकार चर्चा को तैयार है और विपक्ष भाग रहा है।
उधर, बीजेपी के लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, सुषमा स्वराज और अरुण जेटली सहित कई नेताओं ने आज राष्ट्रपति से मुलाकात करके कांग्रेस की शिकायत की है। बीजेपी ने कहा कि सीएजी जैसी संवैधानिक संस्थाओं पर जिस तरह हमले किए जा रहे हैं, वह ठीक नहीं है। उन्होंने साथ ही यह भी कहा कि सीएजी के खिलाफ कांग्रेस का बयान गैर-जिम्मेदाराना है।
उधर, बीजेपी के लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, सुषमा स्वराज और अरुण जेटली सहित कई नेताओं ने आज राष्ट्रपति से मुलाकात करके कांग्रेस की शिकायत की है। बीजेपी ने कहा कि सीएजी जैसी संवैधानिक संस्थाओं पर जिस तरह हमले किए जा रहे हैं, वह ठीक नहीं है। उन्होंने साथ ही यह भी कहा कि सीएजी के खिलाफ कांग्रेस का बयान गैर-जिम्मेदाराना है। | सारांश: कांग्रेस ने कहा कि बीजेपी की राज्य सरकारों की सहमति से ही कोल ब्लॉक बांटे गए और अब बीजेपी इस पूरे मामले से पल्ला झाड़ रही है। | 7 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: झारखण्ड में जारी 34वें राष्ट्रीय खेलों में मध्य प्रदेश ने स्पर्धाओं के दूसरे दिन तक नौ स्वर्ण के साथ कुल 28 पदक अपने नाम कर लिए हैं। मध्य प्रदेश तालिका में सबसे आगे चल रहा है। मणिपुर ने आठ स्वर्ण सहित अपनी झोली में अब तक कुल 20 पदक डाले हैं। वह दूसरे स्थान पर है। मध्य प्रदेश ने जहां सात रजत और 12 कांस्य जीते हैं वहीं मणिपुर ने चार रजत और आठ कांस्य प्राप्त किए हैं। महाराष्ट्र पांच स्वर्ण सहित कुल 22 पदकों के साथ तीसरे स्थान पर है। उसके नाम छह रजत और 11 कांस्य भी हैं। सेना ने पांच स्वर्ण सहित अब तक अपनी झोली में कुल 17 पदक डाले हैं। दिल्ली ने भी पांच स्वर्ण जीते हैं लेकिन उसके खाते में कुल नौ पदक ही हैं। हरियाणा चार स्वर्ण, पांच रजत और तीन कांस्य जीतकर कुल 12 पदकों के साथ छठे स्थान पर है जबकि मेजबान झारखण्ड ने भी चार स्वर्ण सहित कुल 16 पदक अपने नाम कर लिए हैं। व्यक्तिगत प्रदर्शन की बात की जाए तो दिल्ली की युवा तैराक ऋचा मिश्रा ने सबको पीछे छोड़ दिया है। ऋचा ने दूसरे दिन सर्वाधिक स्वर्ण पदक जीतने की दौड़ में महाराष्ट्र के तैराक वीरधवल खड़े को पीछे छोड़ दिया। ऋचा ने सोमवार को अपना तीसरा स्वर्ण जीता जबकि खड़े ने स्पर्धाओं के पहले दिन दो स्वर्ण और एक कांस्य हासिल किया था। खड़े के अलावा छह अन्य खिलाड़ी दो-दो स्वर्ण जीत चुके हैं। वैसे सर्वाधिक व्यक्तिगत पदक जीतने के मामले में खड़े अभी भी सबसे आगे हैं। खड़े ने सोमवार को एक और कांस्य हासिल करते हुए अपने कुल पदकों की संख्या चार कर ली है। ऋचा ने अब तक 100 मीटर बटरफ्लाई, 200 मीटर फ्रीस्टाइल और 200 मीटर ब्रेस्टस्ट्रोक स्पर्धा में स्वर्ण जीता है। खड़े के अलावा महाराष्ट्र की एक अन्य महिला तैराक राजुता भट्ट ने दो स्वर्ण और एक कांस्य जीता है जबकि आरती घोरपड़े ने भी इतने ही पदक हासिल किए हैं। कर्नाटक के तैराक गगन वल्लामात और अश्विन मेनन ने भी दो-दो स्वर्ण जीते हैं। गगन के नाम एक कांस्य भी है। इसके अलावा मणिपुर के रोशन सिंह और सपना देवी ने वुशू में दो-दो स्वर्ण जीते हैं। सबसे खास बात यह है कि व्यक्गित पदक तालिका में शामिल शीर्ष-9 खिलाड़ियों ने एक भी रजत पदक नहीं जीता है। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: झारखण्ड में जारी 34वें राष्ट्रीय खेलों में मध्य प्रदेश ने स्पर्धाओं के दूसरे दिन तक नौ स्वर्ण के साथ कुल 28 पदक अपने नाम कर लिए हैं। | 11 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: पाकिस्तान के कराची शहर में गुरुवार को नौसेना की एक बस को निशाना बनाकर सड़क के किनारे किए गए बम विस्फोट में तीन लोग मारे गए और 15 से अधिक घायल हो गए। पिछले दो दिन में यह ऐसा तीसरा हमला है। नौसेना के एक प्रवक्ता ने संवाददाताओं को बताया कि विस्फोट में नौसेना के दो नाविकों और एक नागरिक की मौत हो गई। नागरिकों सहित 15 से अधिक घायलों को समीपवर्ती दो अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। जिन्ना अस्पताल के अधिकारियों ने बताया कि एक घायल की हालत गंभीर है। यह बस नौसेना के कनिष्ठ कर्मचारियों को लेकर जा रही थी। विस्फोट उस समय किया गया, जब बस शारा-ए-फैजल रोड पर नौसेना के एक कार्यालय से रवाना हुई। पुलिस उप महानिरीक्षक इफ्तिखार तरार ने बताया कि गुरुवार का हमला मंगलवार को पाकिस्तानी नौसेना की दो बसों पर किए गए हमले जैसा ही था, जिसमें चार अधिकारी मारे गए थे और 56 घायल हो गए थे। तरार ने मीडिया को बताया कि एक मोटरसाइकिल पर रखे इस बम में करीब तीन किलोग्राम विस्फोटक था और बस के समीप से गुजरते ही इस विस्फोटक में रिमोट कंट्रोल की मदद से विस्फोट किया गया। हमले का संभावित कारण बताते हुए तरार ने कहा कि सुरक्षा एजेंसियां आतंकवादियों का मुख्य निशाना हैं। टेलीविजन पर दिखाए गए फुटेज में विस्फोट के कारण क्षतिग्रस्त हुई नौसेना की बस का एक हिस्सा नजर आ रहा है। इसकी खिड़कियां विस्फोट के कारण नदारद हो चुकी हैं। विस्फोट के बाद सुरक्षा बलों ने पूरे इलाके को घेर लिया और तलाशी ली। धमाके की वजह से एक बस सहित कम से कम तीन वाहन और एक पेट्रोल पम्प क्षतिग्रस्त हो गए हैं। यह विस्फोट उसी स्थान पर हुआ जहां अक्टूबर, 2007 में पूर्व प्रधानमंत्री बेनजीर भुट्टो के आत्म निर्वासन से पाकिस्तान लौटने के कुछ ही देर बाद उनके काफिले पर दो आत्मघाती हमलावरों ने हमला किया था। इस हमले की किसी समूह ने जिम्मेदारी नहीं ली है। मंगलवार को नौसेना की दो बसों पर हुए हमले की जिम्मेदारी पाकिस्तानी तालिबान ने ली थी। तालिबान के प्रवक्ता अहसानुल्ला अहसान ने मंगलवार को कहा था कि उग्रवादी आने वाले समय में सुरक्षा बलों को निशाना बनाएंगे, क्योंकि वजीरिस्तान और अन्य स्थानों पर सुरक्षा बल अमेरिका के कहने पर अपने ही लोगों को मार रहे हैं। कराची पाकिस्तान का सबसे बड़ा शहर है और पाकिस्तानी नौसेना का मुख्यालय यहीं है। पाकिस्तान आतंकवाद के खिलाफ अमेरिका नीत अभियान से 2001 में जुड़ा और तब से तालिबान ने शहर में कई हमले किए हैं। | यहाँ एक सारांश है:कराची में नौसेना की एक बस को निशाना बनाकर सड़क के किनारे किए गए बम विस्फोट में तीन लोग मारे गए और 15 से अधिक घायल हो गए। | 12 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: Natural Lip Scrubs: फटे होंठों से छुटकारा दे सकते हैं ये स्क्रब
त्वचा को नई चमक दे सकता है संतरा, पढ़ें संतरे के फायदे, जानें फेसमास्क बनाने का तरीका
1- अगर आपको चमकती हुई त्वचा (Skin Care Points) चाहिए, तो कोई भी स्किन केयर क्रिम या लोशन वह कमाल नहीं कर सकता जो आपकी डाइट कर सकती है. इसलिए जरूरी है कि आप अपने आहार को संतुलित करें. इसके साथ ही साथ आपको स्किन को क्लीनजिंग और नरिशिंग भी देनी होगी. तो इसके लिए एक बात जो आपको ध्यान में रखनी है वह यह कि बदलते मौसम में अपनी डाइट में हेल्थी फूड की शामिल करें. तलाभुना खाकर आप अपनी त्वचा को बेजान बना सकते हैं. ज्यादा से ज्यादा पानी पीएं. फल और सब्जियों का सेवन करें और हां अपनी डाइट में जूस को जरूर जगह दें. यह त्वचा को डिटॉक्सिफाई करने में मदद करता है.
Skincare Tips: त्वचा की देखभाल के लिए आप घरेलू नुस्खे और प्राकृतिक उपाय अपना सकते हैं.
2- त्वचा में नई जान डालने के लिए आप स्क्रब का इस्तेमाल कर सकते हैं. बाजार में उपलब्ध स्क्रब के बजाए आप घर पर तैयार स्क्रब का इस्तेमाल करें. यह आपको प्राकृतिक निखार देगा. यहां पढ़ें कैसे बनाएं घर पर ही स्क्रब - Homemade Skin Care Tips: बारिश के मौसम में ये 5 स्क्रब करेंगे स्किन की देखभाल
3- अब जब बता चल रही है स्किन केयर की तो यकीनन बहुत से लोग टेनिंग से परेशान होंगे. धूप आपकी त्वचा को नुकसान पहुंचा सकती है. इसलिए जरूरी है कि जब भी आप घर से बाहर निकलें तो अच्छी क्वालिटी के मॉइश्चराइजर और सनस्क्रीन का इस्तेमाल करें.
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4- फेस मास्क (Face Mask) त्वचा में नई जान डाल सकते हैं. बाजार में कई तरह के फेस मास्क मौजूद हैं. लेकिन अगर आप अपने चेहरे को नुकसान या कैमिकल से बचा कर रखना चाहते हैं तो इसके लिए आप घर पर ही प्राकृतिक चीजों का इस्तेमाल कर फेसमास्क तैयार कर सकते हैं. यहां हम आपको बता रहे हैं कुछ फेस मास्क बनाने के आसान तरीके.
गर्मी में चेहरे की देखभाल कैसे करे? पढ़ें स्किन केयर टिप्स, गर्मियों में ग्लोइंग स्किन के उपाय, अपनाएं 4 फेस मास्क
5. घर पर बनाए गए फेस मास्क त्वचा में निखार लाने के लिए सबसे उपयुक्त होते हैं. प्राकृतिक सामग्री जैसे- केला, पपीता, जौ, एलोवेरा, शहद, आदि चीजें आपकी त्वचा में चमक व निखार लाते हैं. आप शहद और केले से फेस मास्क बना सकती हैं. आधे पके केले मसल लें, उसमें दूध, एक बड़ा चमम्च चंदन पाउडर और आधा बड़ा चम्मच शहद मिला लें. अब इस मास्क को 20-25 मिनट तक चेहरे पर लगाए रहने के बाद हल्के गुनगुने पानी से धो लें. यह मास्क तैलीय तव्चा के लिए लाभदायक है, क्योंकि चंदन पाउडर त्वचा से अतिरिक्त तेल को हटाता है, जबकि केला त्वचा में नमी बनाए रखता है.
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स्किन केयर प्रोडक्ट (Skin Care Product) का चुनाव संभल कर करें.
कई बार घरेलू नुस्खे (Home Remedies) त्वचा को नुकसान पहुंचा भी सकते हैं. | 9 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की तीखी आलोचना करने वाले अमेरिकी दैनिक के लेख पर सूचना एवं प्रसारण मंत्री अंबिका सोनी ने करारा हमला किया। सोनी की योजना इस मुद्दे को विदेश मंत्रालय के साथ उठाने की है ताकि मामले में ‘कड़ी कार्रवाई’ की जा सके।
सोनी ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘वाशिंगटन पोस्ट जैसे अखबार द्वारा प्रधानमंत्री पर लिखा ऐसा आलेख अस्वीकार्य है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘वहां किए गए दावे पूरी तरह निराधार हैं और हम इसे खारिज करते हैं।’’ सोनी वाशिंगटन पोस्ट के एक आलेख ‘इंडियाज साइलेंट प्राइम मिनिस्टर बिकम्स ए ट्रैजिक फिगर’ (भारत के मूक प्रधानमंत्री एक त्रासद व्यक्तित्व बने) पर प्रतिक्रिया दे रही थीं।
आलेख में कहा गया कि मनमोहन सिंह ने भारत को आधुनिकता, समृद्धि और शक्ति के मार्ग पर बढ़ने में मदद की लेकिन आलोचकों का कहना है कि संकोची, मृदुभाषी नेता के अब ‘इतिहास में असफल के तौर पर दर्ज होने का खतरा’ है। टिप्पणियां
आलेख में कहा गया, ‘‘...लेकिन बेहद सम्मानित, नम्र और बौद्धिक प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ की छवि धीरे-धीरे बिल्कुल बदल गई है बेहद भ्रष्ट सरकार की अगुवाई कर रहे दुविधाग्रस्त, निष्प्रभावी नौकरशाह की।’’ सोनी ने कहा कि वह इस मुद्दे को विदेश मंत्रालय और अन्य सरकारी विभागों के साथ उठाएंगी और इसके खिलाफ कार्रवाई करेंगी।
उन्होंने कहा, ‘‘उन्होंने पहले भी इस तरह के काम किए हैं और माफी मांगी है। अगर वाशिंगटन पोस्ट ने प्रधानमंत्री के खिलाफ ऐसी चीजें लिखी हैं तो यकीन मानिए मैं उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करूंगी।’’
सोनी ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘वाशिंगटन पोस्ट जैसे अखबार द्वारा प्रधानमंत्री पर लिखा ऐसा आलेख अस्वीकार्य है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘वहां किए गए दावे पूरी तरह निराधार हैं और हम इसे खारिज करते हैं।’’ सोनी वाशिंगटन पोस्ट के एक आलेख ‘इंडियाज साइलेंट प्राइम मिनिस्टर बिकम्स ए ट्रैजिक फिगर’ (भारत के मूक प्रधानमंत्री एक त्रासद व्यक्तित्व बने) पर प्रतिक्रिया दे रही थीं।
आलेख में कहा गया कि मनमोहन सिंह ने भारत को आधुनिकता, समृद्धि और शक्ति के मार्ग पर बढ़ने में मदद की लेकिन आलोचकों का कहना है कि संकोची, मृदुभाषी नेता के अब ‘इतिहास में असफल के तौर पर दर्ज होने का खतरा’ है। टिप्पणियां
आलेख में कहा गया, ‘‘...लेकिन बेहद सम्मानित, नम्र और बौद्धिक प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ की छवि धीरे-धीरे बिल्कुल बदल गई है बेहद भ्रष्ट सरकार की अगुवाई कर रहे दुविधाग्रस्त, निष्प्रभावी नौकरशाह की।’’ सोनी ने कहा कि वह इस मुद्दे को विदेश मंत्रालय और अन्य सरकारी विभागों के साथ उठाएंगी और इसके खिलाफ कार्रवाई करेंगी।
उन्होंने कहा, ‘‘उन्होंने पहले भी इस तरह के काम किए हैं और माफी मांगी है। अगर वाशिंगटन पोस्ट ने प्रधानमंत्री के खिलाफ ऐसी चीजें लिखी हैं तो यकीन मानिए मैं उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करूंगी।’’
आलेख में कहा गया कि मनमोहन सिंह ने भारत को आधुनिकता, समृद्धि और शक्ति के मार्ग पर बढ़ने में मदद की लेकिन आलोचकों का कहना है कि संकोची, मृदुभाषी नेता के अब ‘इतिहास में असफल के तौर पर दर्ज होने का खतरा’ है। टिप्पणियां
आलेख में कहा गया, ‘‘...लेकिन बेहद सम्मानित, नम्र और बौद्धिक प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ की छवि धीरे-धीरे बिल्कुल बदल गई है बेहद भ्रष्ट सरकार की अगुवाई कर रहे दुविधाग्रस्त, निष्प्रभावी नौकरशाह की।’’ सोनी ने कहा कि वह इस मुद्दे को विदेश मंत्रालय और अन्य सरकारी विभागों के साथ उठाएंगी और इसके खिलाफ कार्रवाई करेंगी।
उन्होंने कहा, ‘‘उन्होंने पहले भी इस तरह के काम किए हैं और माफी मांगी है। अगर वाशिंगटन पोस्ट ने प्रधानमंत्री के खिलाफ ऐसी चीजें लिखी हैं तो यकीन मानिए मैं उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करूंगी।’’
आलेख में कहा गया, ‘‘...लेकिन बेहद सम्मानित, नम्र और बौद्धिक प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ की छवि धीरे-धीरे बिल्कुल बदल गई है बेहद भ्रष्ट सरकार की अगुवाई कर रहे दुविधाग्रस्त, निष्प्रभावी नौकरशाह की।’’ सोनी ने कहा कि वह इस मुद्दे को विदेश मंत्रालय और अन्य सरकारी विभागों के साथ उठाएंगी और इसके खिलाफ कार्रवाई करेंगी।
उन्होंने कहा, ‘‘उन्होंने पहले भी इस तरह के काम किए हैं और माफी मांगी है। अगर वाशिंगटन पोस्ट ने प्रधानमंत्री के खिलाफ ऐसी चीजें लिखी हैं तो यकीन मानिए मैं उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करूंगी।’’
उन्होंने कहा, ‘‘उन्होंने पहले भी इस तरह के काम किए हैं और माफी मांगी है। अगर वाशिंगटन पोस्ट ने प्रधानमंत्री के खिलाफ ऐसी चीजें लिखी हैं तो यकीन मानिए मैं उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करूंगी।’’ | संक्षिप्त सारांश: प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की तीखी आलोचना करने वाले अमेरिकी दैनिक के लेख पर सूचना एवं प्रसारण मंत्री अंबिका सोनी ने करारा हमला किया। सोनी की योजना इस मुद्दे को विदेश मंत्रालय के साथ उठाने की है ताकि मामले में ‘कड़ी कार्रवाई’ की जा सके। | 23 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: पाकिस्तान ने उत्तरी वजीरिस्तान के कबीलाई क्षेत्र में हाल ही में हुए ड्रोन हमलों को लेकर अमेरिका के एक शीर्ष राजनयिक को तलब किया और अपना औपचारिक विरोध जताया।
समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, अमेरिका ने शुक्रवार रात उत्तरी वजीरिस्तान के एक घर पर ड्रोन हमला किया था। यह पिछले 10 दिनों में अमेरिका का दूसरा बड़ा हमला था। इस हमले में तालिबान के उपप्रमुख वली-उर-रहमान मसूद सहित छह लोग मारे गए थे।टिप्पणियां
पाकिस्तान ने अमेरिकी राजनयिक रिचर्ड होगलैंड को शनिवार को तलब कर ड्रोन हमलों को लेकर अपना विरोध जताया। अमेरिकी राजनयिक से कहा गया कि पाकिस्तान की सरकार ड्रोन हमलों को पाकिस्तान की संप्रभुता एवं क्षेत्रीय अखंडता के उल्लंघन के रूप में देखती है।
पाकिस्तान सरकार की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि ड्रोन हमले तुरंत रोकने पर जोर दिया गया।
समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, अमेरिका ने शुक्रवार रात उत्तरी वजीरिस्तान के एक घर पर ड्रोन हमला किया था। यह पिछले 10 दिनों में अमेरिका का दूसरा बड़ा हमला था। इस हमले में तालिबान के उपप्रमुख वली-उर-रहमान मसूद सहित छह लोग मारे गए थे।टिप्पणियां
पाकिस्तान ने अमेरिकी राजनयिक रिचर्ड होगलैंड को शनिवार को तलब कर ड्रोन हमलों को लेकर अपना विरोध जताया। अमेरिकी राजनयिक से कहा गया कि पाकिस्तान की सरकार ड्रोन हमलों को पाकिस्तान की संप्रभुता एवं क्षेत्रीय अखंडता के उल्लंघन के रूप में देखती है।
पाकिस्तान सरकार की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि ड्रोन हमले तुरंत रोकने पर जोर दिया गया।
पाकिस्तान ने अमेरिकी राजनयिक रिचर्ड होगलैंड को शनिवार को तलब कर ड्रोन हमलों को लेकर अपना विरोध जताया। अमेरिकी राजनयिक से कहा गया कि पाकिस्तान की सरकार ड्रोन हमलों को पाकिस्तान की संप्रभुता एवं क्षेत्रीय अखंडता के उल्लंघन के रूप में देखती है।
पाकिस्तान सरकार की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि ड्रोन हमले तुरंत रोकने पर जोर दिया गया।
पाकिस्तान सरकार की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि ड्रोन हमले तुरंत रोकने पर जोर दिया गया। | यहाँ एक सारांश है:समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, अमेरिका ने शुक्रवार रात उत्तरी वजीरिस्तान के एक घर पर ड्रोन हमला किया था। यह पिछले 10 दिनों में अमेरिका का दूसरा बड़ा हमला था। इस हमले में तालिबान के उपप्रमुख वली-उर-रहमान मसूद सहित छह लोग मारे गए थे। | 18 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: कश्मीर मुद्दे को बातचीत के जरिए सुलझाने जाए जाने की आवश्यकता को रेखांकित करते हुए संयुक्त राष्ट्र प्रमुख बान की मून ने कहा वह भारत और पाकिस्तान के नेताओं से बातचीत करेंगे कि वह किस तरह से इस प्रक्रिया में मदद कर सकते है। संयुक्त राष्ट्र महासचिव पद के दूसरे कार्यकाल के लिए चुने जाने के बाद बान ने कश्मीर मुद्दे के समाधान के लिए भारत और पाकिस्तान की मदद करने के संकेत दिए। बान ने बुधवार को कहा मेरे पास अतीत की तरह ही आगे भी मौके होंगे, मैं भारत और पाकिस्तान के नेताओं के साथ मुद्दे पर चर्चा करूंगा, कि किस प्रकार से हम उनकी मदद कर सकते हैं अथवा इस मुद्दे को बातचीत के जरिये कैसे शांतिपूर्वक सुलझाया जा सकता है। गौरतलब है कि भारत और पाकिस्तान इस साल के शुरूआत में समग्र बातचीत की शुरूआत कर चुके है। विदेश सचिव निरूपमा राव विदेश सचिव स्तरीय वार्ता के लिए पाकिस्तान की दो दिवसीय यात्रा पर है। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच कश्मीर समेत कई मुद्दों पर चर्चा किये जाने की उम्मीद है। बान ने कहा कि वह कश्मीर को लेकर जारी बातचीत से परिचित है और उन्होंने दोनों देशों से इस मुद्दे को शांतिपूर्वक सुलझाए जाने की अपील की। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: संयुक्त राष्ट्र प्रमुख बान की मून ने कहा वह भारत और पाकिस्तान के नेताओं से बातचीत करेंगे कि वह किस तरह से इस प्रक्रिया में मदद कर सकते है। | 32 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और विश्व क्रिकेट के महानतम सलामी बल्लेबाजों में से एक सुनील गावस्कर को दुबई में अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) के हाल ऑफ फेम में शामिल किया गया।
भारतीय टीम के पूर्व कप्तान और गावस्कर के साथी कपिल देव ने गावस्कर को सम्मान के तौर पर टोपी पहनाई। कपिल को पहले ही इस सम्मान से नवाजा जा चुका है।
आईसीसी ने वर्ष 2009 में हाल ऑफ फेम की शुरुआत की थी। अब तक कुल 55 खिलाड़ियों को इस प्रतिष्ठित सूची में शामिल किया जा चुका है। आईसीसी ने इसकी शुरुआत फिका-फेडरेशन ऑफ इंटरनेशनल क्रिकेटर्स एसोसिएशंस के सहयोग से की थी।
हाल ऑफ फेम में कुल 72 खिलाड़ी हैं, जिनमें 55 पुरुष हैं। आईसीसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी हारून लोगार्ट की मौजूदगी में कपिल ने गावस्कर को यादगार टोपी पहनाई।
इस दौरान गावस्कर के अलावा पाकिस्तान के पूर्व कप्तान आमिर सोहेल, रमीज राजा और वकार यूनुस को भी इस सम्मान से नवाजा गया। टिप्पणियां
गावस्कर को मुख्य तौर पर टेस्ट मैचों में सबसे पहले 10,000 रनो का आंकड़ा पार करने वाले बल्लेबाज के तौर पर याद किया जाता है।
गावस्कर ने 125 टेस्ट और 108 एकदिवसीय मैचो में भारत का प्रतिनिधित्व किया था। गावस्कर और कपिल के अलावा भारत की ओर से बिशन सिंह बेदी को इस सम्मान से नवाजा जा चुका है।
भारतीय टीम के पूर्व कप्तान और गावस्कर के साथी कपिल देव ने गावस्कर को सम्मान के तौर पर टोपी पहनाई। कपिल को पहले ही इस सम्मान से नवाजा जा चुका है।
आईसीसी ने वर्ष 2009 में हाल ऑफ फेम की शुरुआत की थी। अब तक कुल 55 खिलाड़ियों को इस प्रतिष्ठित सूची में शामिल किया जा चुका है। आईसीसी ने इसकी शुरुआत फिका-फेडरेशन ऑफ इंटरनेशनल क्रिकेटर्स एसोसिएशंस के सहयोग से की थी।
हाल ऑफ फेम में कुल 72 खिलाड़ी हैं, जिनमें 55 पुरुष हैं। आईसीसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी हारून लोगार्ट की मौजूदगी में कपिल ने गावस्कर को यादगार टोपी पहनाई।
इस दौरान गावस्कर के अलावा पाकिस्तान के पूर्व कप्तान आमिर सोहेल, रमीज राजा और वकार यूनुस को भी इस सम्मान से नवाजा गया। टिप्पणियां
गावस्कर को मुख्य तौर पर टेस्ट मैचों में सबसे पहले 10,000 रनो का आंकड़ा पार करने वाले बल्लेबाज के तौर पर याद किया जाता है।
गावस्कर ने 125 टेस्ट और 108 एकदिवसीय मैचो में भारत का प्रतिनिधित्व किया था। गावस्कर और कपिल के अलावा भारत की ओर से बिशन सिंह बेदी को इस सम्मान से नवाजा जा चुका है।
आईसीसी ने वर्ष 2009 में हाल ऑफ फेम की शुरुआत की थी। अब तक कुल 55 खिलाड़ियों को इस प्रतिष्ठित सूची में शामिल किया जा चुका है। आईसीसी ने इसकी शुरुआत फिका-फेडरेशन ऑफ इंटरनेशनल क्रिकेटर्स एसोसिएशंस के सहयोग से की थी।
हाल ऑफ फेम में कुल 72 खिलाड़ी हैं, जिनमें 55 पुरुष हैं। आईसीसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी हारून लोगार्ट की मौजूदगी में कपिल ने गावस्कर को यादगार टोपी पहनाई।
इस दौरान गावस्कर के अलावा पाकिस्तान के पूर्व कप्तान आमिर सोहेल, रमीज राजा और वकार यूनुस को भी इस सम्मान से नवाजा गया। टिप्पणियां
गावस्कर को मुख्य तौर पर टेस्ट मैचों में सबसे पहले 10,000 रनो का आंकड़ा पार करने वाले बल्लेबाज के तौर पर याद किया जाता है।
गावस्कर ने 125 टेस्ट और 108 एकदिवसीय मैचो में भारत का प्रतिनिधित्व किया था। गावस्कर और कपिल के अलावा भारत की ओर से बिशन सिंह बेदी को इस सम्मान से नवाजा जा चुका है।
हाल ऑफ फेम में कुल 72 खिलाड़ी हैं, जिनमें 55 पुरुष हैं। आईसीसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी हारून लोगार्ट की मौजूदगी में कपिल ने गावस्कर को यादगार टोपी पहनाई।
इस दौरान गावस्कर के अलावा पाकिस्तान के पूर्व कप्तान आमिर सोहेल, रमीज राजा और वकार यूनुस को भी इस सम्मान से नवाजा गया। टिप्पणियां
गावस्कर को मुख्य तौर पर टेस्ट मैचों में सबसे पहले 10,000 रनो का आंकड़ा पार करने वाले बल्लेबाज के तौर पर याद किया जाता है।
गावस्कर ने 125 टेस्ट और 108 एकदिवसीय मैचो में भारत का प्रतिनिधित्व किया था। गावस्कर और कपिल के अलावा भारत की ओर से बिशन सिंह बेदी को इस सम्मान से नवाजा जा चुका है।
इस दौरान गावस्कर के अलावा पाकिस्तान के पूर्व कप्तान आमिर सोहेल, रमीज राजा और वकार यूनुस को भी इस सम्मान से नवाजा गया। टिप्पणियां
गावस्कर को मुख्य तौर पर टेस्ट मैचों में सबसे पहले 10,000 रनो का आंकड़ा पार करने वाले बल्लेबाज के तौर पर याद किया जाता है।
गावस्कर ने 125 टेस्ट और 108 एकदिवसीय मैचो में भारत का प्रतिनिधित्व किया था। गावस्कर और कपिल के अलावा भारत की ओर से बिशन सिंह बेदी को इस सम्मान से नवाजा जा चुका है।
गावस्कर को मुख्य तौर पर टेस्ट मैचों में सबसे पहले 10,000 रनो का आंकड़ा पार करने वाले बल्लेबाज के तौर पर याद किया जाता है।
गावस्कर ने 125 टेस्ट और 108 एकदिवसीय मैचो में भारत का प्रतिनिधित्व किया था। गावस्कर और कपिल के अलावा भारत की ओर से बिशन सिंह बेदी को इस सम्मान से नवाजा जा चुका है।
गावस्कर ने 125 टेस्ट और 108 एकदिवसीय मैचो में भारत का प्रतिनिधित्व किया था। गावस्कर और कपिल के अलावा भारत की ओर से बिशन सिंह बेदी को इस सम्मान से नवाजा जा चुका है। | संक्षिप्त पाठ: भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और विश्व क्रिकेट के महानतम सलामी बल्लेबाजों में से एक सुनील गावस्कर को दुबई में आईसीसी के हाल ऑफ फेम में शामिल किया गया। | 14 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: मध्य प्रदेश के ग्वालियर में 20 रुपये की चोरी का एक मामला 41 साल चला और अब लोक अदालत की पहल पर यह मामला निपट गया है. आरोपी को चार माह तक जेल में रहना पड़ा था. मामला वर्ष 1978 का है जब माधोगंज क्षेत्र में इस्माइल खान ने बाबूलाल की जेब से बस की टिकट की लाइन में लगे होने के दौरान 20 रुपये निकाल लिए थे. इस मामले पर बाबूलाल ने पुलिस थाने में रिपोर्ट लिखवाई थी. जांच के बाद चालान न्यायालय में पेश किया गया. यह मामला न्यायालय में लंबित रहा. न्यायिक मजिस्ट्रेट के यहां सुनवाई चली, और इस्माइल ने न्यायालय आना बंद कर दिया. जब वह न्यायालय नहीं आया तो वर्ष 2004 में कोर्ट ने इस्माइल खान की गिरफ्तारी का वारंट जारी कर दिया.
पुलिस ने 15 साल बाद इस्माइल खान को ढूंढ निकाला और उसे जेल भेज दिया और उसे चार माह जेल में रहना पड़ा. न्यायालयीन अधिकारी के अनुसार, 'यह मामला शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत में पहुंचा, जहां प्रथम श्रेणी न्यायिक मजिस्ट्रेट अनिल कुमार नामदेव की सलाह पर मामले को खत्म कर दिया गया. न्यायालय ने बाबूलाल से कहा मामला 41 साल पुराना है. आरोपी भी चार महीने जेल में रह चुका है. इस केस को चलाने का मतलब नहीं है.' सुनवाई के दौरान फरियादी बाबूलाल (64) ने कहा, "साहब, मैं आरोपी को नहीं जानता. इतने साल बीत गए, अब मामला खत्म कर दीजिए. इसके बाद फरियादी की सहमति से मामला खत्म कर दिया गया."
माधोगंज के थाना प्रभारी सुरेंद्र सिंह गौर का कहना है कि लोक अदालत में मामला निपटने की बात उनके सामने आई है. यह मामला बहुत पुराना है, इसलिए उनके पास इसकी विस्तृत जानकारी नहीं है वहीं, उच्च न्यायालय ग्वालियर खंडपीठ के सरकारी वकील ऋषिकेष मिश्रा ने कहा, "लोक अदालत के जरिए आपसी सहमति से प्रकरणों का निपटारा होता है. जब भी प्रकरण आपसी सहमति से निपटते हैं तो दोनों पक्षों में न तो मनमुटाव होता है और न ही विवाद आगे बढ़ता है. इसका उदाहरण इस्माइल और बाबूलाल का मामला है. यह मामला न्यायालय में 41 साल चला और लोक अदालत में एक बार में निराकृत हो गया." | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: मध्य प्रदेश के ग्वालियर का है मामला
आरोपी चार महीने जेल में भी रहा
अब लोक अदालत में हुआ मामले का निपटारा | 25 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: बाजार नियामक सेबी विलय एवं अधिग्रहण सौदों के लिए प्रस्तावित नयी संहिता पर इसी माह निर्णय करेगा। सेबी के निदेशक मंडल की बैठक इसी माह प्रस्तावित है, जिसमें इस पर विचार किया जाएगा। सेबी की कार्यकारी निदेशक उषा नारायण ने बुधवार को उद्योग मंडल एसोचैम के कार्यक्रम के मौके पर कहा, हम विचार विमर्श की प्रक्रिया में हैं। अगली बोर्ड की बैठक में हम अधिग्रहण संहिता के मुद्दे को देखेंगे। सी अचुतन की अध्यक्षता वाली सेबी की समिति ने पिछले साल जुलाई में अधिग्रहण दिशानिर्देशों का जो प्रस्ताव दिया था उसमें किसी इकाई द्वारा किसी कंपनी में 25 प्रतिशत की हिस्सेदारी खरीदने पर उसे शेष शेयरधारकों के लिए खुली पेशकश लाना अनिवार्य होगा। वर्तमान दिशानिर्देशों के अनुसार शेयरधारकों के लिए खुली पेशकश लाने की सीमा 15 प्रतिशत हिस्सेदारी का अधिग्रहण है। सेबी ने अचुतन समिति की रिपोर्ट पर विभिन्न अंशधारकों के विचार मांगे थे। नारायणन ने कहा, जिन दो मुद्दों पर सबसे ज्यादा विचार मिले वे गैर प्रतिस्पर्धा शुल्क से जुड़े हैं। अपनी रपट में अचुतन समिति ने गैर प्रतिस्पर्धा शुल्क को समाप्त करने की सिफारिश की है। अधिग्रहण करने वाली कंपनी खरीदी गई कंपनी के प्रवर्तक को इस शुल्क का भुगतान करती है। विलय एवं अधिग्रहण सौदों में गैर प्रतिस्पर्धा शुल्क दिया जाता है। इसका मकसद यह होता है कि लक्षित कंपनी बाद में उसी कारोबार में न उतरे। कई बार यह शुल्क कुल सौदा मूल्य का 25 प्रतिशत तक हो जाता है। यदि समिति की रिपोर्ट को सेबी स्वीकार कर लेता है, तो खुली पेशकश सभी शेयरधारकों के लिए उपलब्ध होगी। प्रस्तावित नए दिशानिर्देशों में 100 प्रतिशत हिस्सेदारी के लिए खुली पेशकश से सभी शेयरधारकों को कंपनी से निकलने और अपनी हिस्सेदारी के लिए उचित कीमत पाने का मौका मिल सकेगा। अभी खुली पेशकश 20 प्रतिशत शेयर पूंजी के लिए होती है। अचुतन समिति का गठन सितंबर, 2009 में किया गया था। इसका उद्देश्य देश में अगले 5-10 साल में अधिग्रहण के दिशनिर्देशों को आकार देना है। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: सेबी की कार्यकारी निदेशक ऊषा नारायण ने कहा, हम विचार विमर्श की प्रक्रिया में हैं। अगली बोर्ड की बैठक में हम अधिग्रहण संहिता के मुद्दे को देखेंगे। | 3 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने मंगलवार को परमाणु सुरक्षा एवं प्रसार को दक्षिण एशिया में 'एक गम्भीर खतरा बताया।' उन्होंने देश की भावी नीतियां अंतरराष्ट्रीय सामरिक एवं राजनीतिक वातावरण में आई गिरावट को ध्यान में रखकर बनाए जाने का आह्वान किया। प्रधानमंत्री थल, वायु एवं नौसेना और तटरक्षक के शीर्ष कमांडरों को उनके संयुक्त सम्मेलन में सम्बोधित कर रहे थे। मनमोहन सिंह ने कमांडरों से कहा, "परमाणु प्रसार एवं सुरक्षा हमारे पड़ोस में एक गम्भीर खतरा बनी हुई है।" उन्होंने कहा कि साइबर खतरा भी चिंता का एक प्रमुख कारण के रूप में उभर रहा है। प्रधानमंत्री ने हालांकि पाकिस्तान का उल्लेख नहीं किया जो क्षेत्र में भारत के साथ परमाणु हथियार रखने वाला दूसरा देश है। गम्भीर विवादों के बावजूद खासकर दिसम्बर 2001 में संसद और नवम्बर 2008 में मुम्बई के आतंकवादी हमलों के बाद दोनों देशों ने अपने परमाणु संग्रह को बढ़ाया नहीं है। पाकिस्तान का परमाणु प्रसार का रिकॉर्ड हालांकि संदिग्ध है। स्टॉकहोम स्थित एसआईपीआरआई के मुताबिक बताया जाता है कि दोनों देशों ने एक दूसरे की सीमा के नजदीक करीब 100 परमाणु हथियारों को ले जाने में सक्षम मिसाइलों को तैनात कर रखा है। मनमोहन सिंह ने कहा, "स्पष्ट रूप से कहें, तो हमारे दृष्टिकोण से अंतरराष्ट्रीय रणनीतिक एवं राजनीतिक वातावरण बिगड़ गए हैं। हम जो भी नीतियां अपनाएं, चाहे अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर या घरेलू स्तर पर, उसमें इसका ध्यान रखा जाए।" सिंह ने कहा, "यह हमारे उस दृढ़ विश्वास पर आधारित है कि यदि हम अपने पड़ोसियों से उचित सम्बंध नहीं रख पाते, भारत की आर्थिक प्रगति और स्थिरता में उन्हें कोई ठोस हिस्सेदारी नहीं दे पाते, तो देश के सामाजिक-आर्थिक रूपांतरण का काम हमेशा कठिन होगा और इसकी सफलता की सम्भावना काफी कम होगी।" | सारांश: प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने परमाणु सुरक्षा एवं प्रसार को दक्षिण एशिया में 'एक गम्भीर खतरा बताया।' | 20 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: महेश भूपति और रोहन बोपन्ना को जेरेमी चार्डी और लुकास कुबोत की गैर-वरीय जोड़ी के हाथों सीधे सेटों से शिकस्त मिली. जिससे मैड्रिड ओपन टेनिस टूर्नामेंट में भारतीय चुनौती समाप्त हो गई।टिप्पणियां
भारतीय जोड़ी ने दूसरे सेट में मिले सभी छह अंक गंवा दिए, जिससे उन्हें 4,303,867 यूरो के क्ले कोर्ट टूर्नामेंट के क्वार्टरफाइनल में फ्रांसिसी-पोलिश जोड़ी से 2-6, 4-6 से पराजय का मुंह देखना पड़ा।
भारतीय जोड़ी केवल 38 अंक ही हासिल कर सकी, जबकि प्रतिद्वंद्वी जोड़ी ने 62 अंक अपने नाम किए। लिएंडर पेस और उनके ऑस्ट्रियाई जोड़ीदार जर्गेन मेल्जर दूसरे राउंड में टामी हॉस और रादेक स्टेपानेक की जोड़ी से हार गए थे। सानिया मिर्जा महिला वर्ग में अपनी अमेरिकी जोड़ीदार बेथानी माटेक सैंड्स के साथ दूसरे राउंड में हार गई थी।
भारतीय जोड़ी ने दूसरे सेट में मिले सभी छह अंक गंवा दिए, जिससे उन्हें 4,303,867 यूरो के क्ले कोर्ट टूर्नामेंट के क्वार्टरफाइनल में फ्रांसिसी-पोलिश जोड़ी से 2-6, 4-6 से पराजय का मुंह देखना पड़ा।
भारतीय जोड़ी केवल 38 अंक ही हासिल कर सकी, जबकि प्रतिद्वंद्वी जोड़ी ने 62 अंक अपने नाम किए। लिएंडर पेस और उनके ऑस्ट्रियाई जोड़ीदार जर्गेन मेल्जर दूसरे राउंड में टामी हॉस और रादेक स्टेपानेक की जोड़ी से हार गए थे। सानिया मिर्जा महिला वर्ग में अपनी अमेरिकी जोड़ीदार बेथानी माटेक सैंड्स के साथ दूसरे राउंड में हार गई थी।
भारतीय जोड़ी केवल 38 अंक ही हासिल कर सकी, जबकि प्रतिद्वंद्वी जोड़ी ने 62 अंक अपने नाम किए। लिएंडर पेस और उनके ऑस्ट्रियाई जोड़ीदार जर्गेन मेल्जर दूसरे राउंड में टामी हॉस और रादेक स्टेपानेक की जोड़ी से हार गए थे। सानिया मिर्जा महिला वर्ग में अपनी अमेरिकी जोड़ीदार बेथानी माटेक सैंड्स के साथ दूसरे राउंड में हार गई थी। | महेश भूपति और रोहन बोपन्ना को जेरेमी चार्डी और लुकास कुबोत की गैर-वरीय जोड़ी के हाथों सीधे सेटों से शिकस्त मिली. जिससे मैड्रिड ओपन टेनिस टूर्नामेंट में भारतीय चुनौती समाप्त हो गई। | 28 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: हाल ही में ट्राई के आदेश पर रिलायंस जियो को अपना खास तीन महीने का फ्री समर सरप्राइज ऑफर को बंद करना पड़ा. इस मामले में TRAI ने एक बयान जारी कर अपने आदेश का कारण बताया. ट्राई ने कहा कि जियो समर सरप्राइज ऑफर टेलिकॉम कंपनियों और उनके ऑफर को नियंत्रित करने वाले नियमों की अवहेलना करते हैं.
ट्राई ने जियो से उसके ऑफर को बंद करने के लिए कहा. लेकिन यह 3 महीने वाला फ्री ऑफर अभी भी कई ग्राहकों को मिल रहा है. जियो भी इस मामले में ग्राहकों को लगातार मोबाइल पर विज्ञापन दिखाकर जल्दी रिचार्ज करने के लिए कह रहा है. जियो जल्द ही इस ऑफर को पूरी तरह हटा लेगा. ऑफर के तहत जियो 303 रुपए या उससे अधिक के रिचार्ज पर अतिरिक्त तीन महीने फ्री बेनिफिट भी दे रहा था.टिप्पणियां
मामले में ट्राई के चेयरमैन आरएस शर्मा ने कहा कि “जियो के प्रमोशनल ऑफर को लॉन्च के एक सप्ताह के भीतर ही हटाने के लिए कह दिया गया था. हमने इसकी जांच की थी और पाया कि यह हमारे नियमों के मुताबिक नहीं है. इसिलिए हमने इन्हें हटाने के लिए कहा है.”
जियो के मुताबिक उसके करीब 10 करोड़ ग्राहक प्राइम मेंबरशिप से जुड़ चुके हैं. हालांकि इस ऑफर को बंद करने की घोषणा के बाद भी यह बेनिफिट यूजर को रिचार्ज करवाने पर मिल रहा है. जियो का कहना है कि उसने इसे बंद करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है.
ट्राई ने जियो से उसके ऑफर को बंद करने के लिए कहा. लेकिन यह 3 महीने वाला फ्री ऑफर अभी भी कई ग्राहकों को मिल रहा है. जियो भी इस मामले में ग्राहकों को लगातार मोबाइल पर विज्ञापन दिखाकर जल्दी रिचार्ज करने के लिए कह रहा है. जियो जल्द ही इस ऑफर को पूरी तरह हटा लेगा. ऑफर के तहत जियो 303 रुपए या उससे अधिक के रिचार्ज पर अतिरिक्त तीन महीने फ्री बेनिफिट भी दे रहा था.टिप्पणियां
मामले में ट्राई के चेयरमैन आरएस शर्मा ने कहा कि “जियो के प्रमोशनल ऑफर को लॉन्च के एक सप्ताह के भीतर ही हटाने के लिए कह दिया गया था. हमने इसकी जांच की थी और पाया कि यह हमारे नियमों के मुताबिक नहीं है. इसिलिए हमने इन्हें हटाने के लिए कहा है.”
जियो के मुताबिक उसके करीब 10 करोड़ ग्राहक प्राइम मेंबरशिप से जुड़ चुके हैं. हालांकि इस ऑफर को बंद करने की घोषणा के बाद भी यह बेनिफिट यूजर को रिचार्ज करवाने पर मिल रहा है. जियो का कहना है कि उसने इसे बंद करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है.
मामले में ट्राई के चेयरमैन आरएस शर्मा ने कहा कि “जियो के प्रमोशनल ऑफर को लॉन्च के एक सप्ताह के भीतर ही हटाने के लिए कह दिया गया था. हमने इसकी जांच की थी और पाया कि यह हमारे नियमों के मुताबिक नहीं है. इसिलिए हमने इन्हें हटाने के लिए कहा है.”
जियो के मुताबिक उसके करीब 10 करोड़ ग्राहक प्राइम मेंबरशिप से जुड़ चुके हैं. हालांकि इस ऑफर को बंद करने की घोषणा के बाद भी यह बेनिफिट यूजर को रिचार्ज करवाने पर मिल रहा है. जियो का कहना है कि उसने इसे बंद करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है.
जियो के मुताबिक उसके करीब 10 करोड़ ग्राहक प्राइम मेंबरशिप से जुड़ चुके हैं. हालांकि इस ऑफर को बंद करने की घोषणा के बाद भी यह बेनिफिट यूजर को रिचार्ज करवाने पर मिल रहा है. जियो का कहना है कि उसने इसे बंद करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है. | यहाँ एक सारांश है:जियो का तीन महीने का फ्री समर सरप्राइज
TRAI ने एक बयान जारी कर अपने आदेश का कारण बताया
ट्राई ने जियो से उसके ऑफर को बंद करने के लिए कहा. | 12 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की नागरिकता का सवाल पहले भी उठ चुका है और उन्होंने इस मुद्दे पर उस समय जोरदार तरीके से बचाव किया था, जब इसे संसद की आचार समिति के समक्ष उठाया गया था.वर्ष 2016 में इस मामले को संसद की आचार समिति में उठाया गया था, जिसके अध्यक्ष भाजपा नेता लालकृष्ण आडवाणी हैं. राहुल गांधी उस समय कांग्रेस अध्यक्ष नहीं थे, और उन्होंने कथित तौर पर समिति के समक्ष कहा था कि वह चकित हैं कि उनकी ब्रिटिश नागरिकता की शिकायत का संज्ञान लिया गया है, जबकि यह व्यवस्थित भी नहीं. उन्होंने यह भी कहा था कि इस तरह का कोई आवेदन ब्रिटिश गृह विभाग में उपलब्ध होगा. रपटों के अनुसार, उन्होंने कहा था कि उन्होंने कभी भी ब्रिटिश नागरिकता पाने की कोशिश नहीं की और यह शिकायत उनकी छवि खराब करने की एक साजिश का हिस्सा है. बता दें कि दिसंबर 2015 में सर्वोच्च न्यायालय ने नागरिकता के संबंध में पेश किए गए सबूतों को खारिज कर चुका था.
याचिका वकील एम.एल. शर्मा ने दायर की थी, जिसे सर्वोच्च न्यायालय ने फर्जी बताया था.न्यायालय ने उस समय दस्तावेजों की प्रामाणिकता पर सवाल उठाए थे.तत्कालीन प्रधान न्यायाधीश एच.एल. दत्तू की अध्यक्षता वाली पीठ ने पूछा था, "आपको कैसे पता कि ये दस्तावेज प्रामाणिक है?"शर्मा द्वारा सुनवाई पर जोर दिए जाने पर न्यायमूर्ति दत्तू ने शर्मा से कहा था, "मेरी सेवानिवृत्ति के बस दो दिन शेष बचे हैं.आप मुझे मजबूर मत कीजिए कि मैं आपके ऊपर जुर्माना लगा दूं."
गांधी की नागरिकता का मुद्दा भाजपा के राज्यसभा सदस्य सुबह्मण्यम स्वामी ने उठाया था. इस पर कांग्रेस नेता ने उस समय शिकायतकर्ता को चुनौती दी थी कि वह अपने आरोप के समर्थन में उनके ब्रिटिश पासपोर्ट की संख्या और प्रासंगिक दस्तावेज पेश करे. रिकॉर्ड के अनुसार, इस मामले को भाजपा सांसद महेश गिरी ने भी उठाया था.भाजपा नेताओं ने कहा था कि ब्रिटेन स्थित बैकॉप्स के वार्षिक रिटर्न में राहुल को एक ब्रिटिश नागरिक घोषित किया गया है. राहुल को इस कंपनी से जोड़ा जा रहा है. कांग्रेस नेता ने बाद में इसे 'अनजाने में हुई गलती' और 'लिखने में हुई गलती' बताया था.
आचार समिति के एक सदस्य भगत सिंह कोशियारी ने कहा कि पिछले दो वर्षो में संसद की आचार समिति की कोई बैठक नहीं हुई. "मुझे नहीं लगता कि समिति की कोई बैठक पिछले दो सालों में हुई है."स्वामी ने इसके पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को यह कहते हुए लिखा था कि कांग्रेस नेता की नागरिकता समाप्त कर दी जाए. उन्होंने पत्र में कहा था कि गांधी ने लंदन में एक निजी कंपनी चलाने के लिए खुद को 2003-2009 की अवधि में ब्रिटिश नागरिक घोषित किया है. पत्र में कहा गया था, "कंपनी का नाम बैकॉप्स लिमिटेड है और इस कंपनी के निदेशक और सचिव मौजूदा लोकसभा सदस्य राहुल गांधी हैं." | यह एक सारांश है: राहुल गांधी की नागरिकता का मुद्दा उठ चुका है सुप्रीम कोर्ट में
जज ने पेश सुबूतों की प्रमाणिकता पर उठाए थे सवाल
कहा था- रिटायरमेंट में दो दिन बचे हैं, नहीं तो जुर्माना लगा देता | 16 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: एआईटीए ने सोमदेव देववर्मन के इस दावे का खंडन किया कि खिलाड़ियों को उसके द्वारा प्रस्तावित अतिरिक्त रियायतों के बारे में पता नहीं था। महासंघ ने कहा कि उन्होंने नई पेशकश के बारे में कम से कम तीन खिलाड़ियों से बात की थी।टिप्पणियां
एआईटीए ने एक विज्ञप्ति में कहा कि उन्होंने विष्णु वर्धन, दिविज शरण और सनम सिंह से इस बारे में बात की थी। कर्नल रणबीर चौहान और कर्नल अमरबीर सिंह ने एक विज्ञप्ति में कहा, सोमदेव का यह बयान सरासर गलत है कि एआईटीए ने खिलाड़ियों से बात नहीं की। हम गुरुवार की रात 11:30 बजे तक विष्णु वर्धन के संपर्क में थे।
उन्होंने कहा, हमने उसे साफ तौर पर कहा था कि खिलाड़ियों की बाकी मांगें मंजूर कर ली गई हैं, लेकिन कप्तान और कोच का चयन एआईटीए करेगा। उसने कहा कि वह बाकी खिलाड़ियों से बात करके हमसे संपर्क करेगा। 10 जनवरी को हम सनम सिंह से मिले और उसे भी यही बताया। हमने उससे सोमदेव से बात करने के लिए कहा। हमारी समिति का एक सदस्य दिविज के संपर्क में भी था।
एआईटीए ने एक विज्ञप्ति में कहा कि उन्होंने विष्णु वर्धन, दिविज शरण और सनम सिंह से इस बारे में बात की थी। कर्नल रणबीर चौहान और कर्नल अमरबीर सिंह ने एक विज्ञप्ति में कहा, सोमदेव का यह बयान सरासर गलत है कि एआईटीए ने खिलाड़ियों से बात नहीं की। हम गुरुवार की रात 11:30 बजे तक विष्णु वर्धन के संपर्क में थे।
उन्होंने कहा, हमने उसे साफ तौर पर कहा था कि खिलाड़ियों की बाकी मांगें मंजूर कर ली गई हैं, लेकिन कप्तान और कोच का चयन एआईटीए करेगा। उसने कहा कि वह बाकी खिलाड़ियों से बात करके हमसे संपर्क करेगा। 10 जनवरी को हम सनम सिंह से मिले और उसे भी यही बताया। हमने उससे सोमदेव से बात करने के लिए कहा। हमारी समिति का एक सदस्य दिविज के संपर्क में भी था।
उन्होंने कहा, हमने उसे साफ तौर पर कहा था कि खिलाड़ियों की बाकी मांगें मंजूर कर ली गई हैं, लेकिन कप्तान और कोच का चयन एआईटीए करेगा। उसने कहा कि वह बाकी खिलाड़ियों से बात करके हमसे संपर्क करेगा। 10 जनवरी को हम सनम सिंह से मिले और उसे भी यही बताया। हमने उससे सोमदेव से बात करने के लिए कहा। हमारी समिति का एक सदस्य दिविज के संपर्क में भी था। | सारांश: एआईटीए ने सोमदेव देववर्मन के इस दावे का खंडन किया कि खिलाड़ियों को उसके द्वारा प्रस्तावित अतिरिक्त रियायतों के बारे में पता नहीं था। महासंघ ने कहा कि उन्होंने नई पेशकश के बारे में कम से कम तीन खिलाड़ियों से बात की थी। | 5 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: अभिनेत्री पूजा बेदी ने स्वीकार किया है कि वह पुस्तक प्रेमी हैं और उन्होंने यह भी बताया कि किस तरह पुस्तकों से लगाव की वजह से ही उनके मन में अपने पति फरहान इब्राहिम फर्नीचरवाला से अलग होने का विचार आया।टिप्पणियां
अभिनेता कबीर बेदी की पुत्री पूजा ने कहा, किताबों से लगाव के बाद मेरा जीवन बदल गया। मैंने डॉक्टर स्पेंसर जॉनसन की एक किताब 'हू मूव्ड माई चीज़' पढ़ी और फिर मेरे मन में तलाक का विचार आया।
'कामसूत्र' कॉन्डोम के विज्ञापन और आमिर खान अभिनीत 'जो जीता वही सिकन्दर' में अभिनय के बाद टीवी रियलिटी शो 'बिग बॉस' में अपनी उपस्थिति के लिए पहचानी जाने वाली पूजा के मुताबिक, मैंने महसूस किया कि मेरे जीवन की हर मुश्किल और खालीपन मेरे द्वारा रचित है। मुझे मजबूती से अपने नए जीवन की शुरुआत करनी चाहिए। किताब पढ़ने के बाद मेरा जीवन हमेशा के लिए बदल गया।
अभिनेता कबीर बेदी की पुत्री पूजा ने कहा, किताबों से लगाव के बाद मेरा जीवन बदल गया। मैंने डॉक्टर स्पेंसर जॉनसन की एक किताब 'हू मूव्ड माई चीज़' पढ़ी और फिर मेरे मन में तलाक का विचार आया।
'कामसूत्र' कॉन्डोम के विज्ञापन और आमिर खान अभिनीत 'जो जीता वही सिकन्दर' में अभिनय के बाद टीवी रियलिटी शो 'बिग बॉस' में अपनी उपस्थिति के लिए पहचानी जाने वाली पूजा के मुताबिक, मैंने महसूस किया कि मेरे जीवन की हर मुश्किल और खालीपन मेरे द्वारा रचित है। मुझे मजबूती से अपने नए जीवन की शुरुआत करनी चाहिए। किताब पढ़ने के बाद मेरा जीवन हमेशा के लिए बदल गया।
'कामसूत्र' कॉन्डोम के विज्ञापन और आमिर खान अभिनीत 'जो जीता वही सिकन्दर' में अभिनय के बाद टीवी रियलिटी शो 'बिग बॉस' में अपनी उपस्थिति के लिए पहचानी जाने वाली पूजा के मुताबिक, मैंने महसूस किया कि मेरे जीवन की हर मुश्किल और खालीपन मेरे द्वारा रचित है। मुझे मजबूती से अपने नए जीवन की शुरुआत करनी चाहिए। किताब पढ़ने के बाद मेरा जीवन हमेशा के लिए बदल गया। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: पूजा ने कहा, किताबों से लगाव के बाद मेरा जीवन बदल गया। मैंने डॉक्टर स्पेंसर जॉनसन की एक किताब 'हू मूव्ड माई चीज़' पढ़ी और फिर मेरे मन में तलाक का विचार आया। | 3 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: पाकिस्तान ने आज कुलभूषण जाधव तक राजनयिक पहुंच की भारत की मांग को फिर से खारिज करते हुए कहा कि इस मामले की तुलना असैन्य कैदियों से करना ''तर्क का उपहास'' है. इससे पहले कल भारत ने जाधव तक जल्द राजनयिक पहुंच देने की मांग की थी जिन्हें पाकिस्तानी सैन्य अदालत ने मौत की सजा सुनाई है.
विदेश कार्यालय ने यहां एक बयान में कहा, ''भारत की जाधव मामले की तुलना असैन्य कैदियों एवं मछुआरों से करने की कोशिश तर्क का उपहास है.'' कल दोनों देशों ने एक-दूसरे की जेलों में बंद कैदियों की एक सूची का आदान-प्रदान किया था जिसके बाद विदेश कार्यालय ने यह टिप्पणी की. पाकिस्तान द्वारा मुहैया कराई गई सूची के अनुसार देश की जेलों में कम से कम 546 भारतीय नागरिक बंद हैं जिनमें से करीब 500 मछुआरे हैं.
विदेश कार्यालय ने दावा किया, ''कमांडर जाधव भारतीय नौसेना के एक सेवारत अधिकारी हैं जिन्हें भारत की खुफिया एजेंसी रॉ ने जासूसी, आतंकवाद एवं विद्रोही गतिविधियों, के लिए पाकिस्तान भेजा था, जिनके कारण कई निर्दोष जानें गईं और संपत्ति का नुकसान हुआ.''पाकिस्तानी विदेश कार्यालय ने कहा कि पाकिस्तान राजनयिक पहुंच से संबंधित 2008 के समझौते के कार्यान्वयन के लिए प्रतिबद्ध है जिसके तहत दोनों एक-दूसरे की जेलों में बंद अपने-अपने नागरिकों की सूची का हर साल दो बार एक जनवरी एवं एक जुलाई को आदान-प्रदान करते हैं. टिप्पणियां
कार्यालय ने कहा कि पाकिस्तान ने समझौते का पूरी भावना से कार्यान्वयन किया है और यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि मानवीय मामले राजनीति की भेंट न चढ़ें. विदेश कार्यालय ने कहा, ''हम भारत से बयानबाजी की बजाय कार्रवाई के जरिए इसका जवाब देने की उम्मीद करते है.''(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
विदेश कार्यालय ने यहां एक बयान में कहा, ''भारत की जाधव मामले की तुलना असैन्य कैदियों एवं मछुआरों से करने की कोशिश तर्क का उपहास है.'' कल दोनों देशों ने एक-दूसरे की जेलों में बंद कैदियों की एक सूची का आदान-प्रदान किया था जिसके बाद विदेश कार्यालय ने यह टिप्पणी की. पाकिस्तान द्वारा मुहैया कराई गई सूची के अनुसार देश की जेलों में कम से कम 546 भारतीय नागरिक बंद हैं जिनमें से करीब 500 मछुआरे हैं.
विदेश कार्यालय ने दावा किया, ''कमांडर जाधव भारतीय नौसेना के एक सेवारत अधिकारी हैं जिन्हें भारत की खुफिया एजेंसी रॉ ने जासूसी, आतंकवाद एवं विद्रोही गतिविधियों, के लिए पाकिस्तान भेजा था, जिनके कारण कई निर्दोष जानें गईं और संपत्ति का नुकसान हुआ.''पाकिस्तानी विदेश कार्यालय ने कहा कि पाकिस्तान राजनयिक पहुंच से संबंधित 2008 के समझौते के कार्यान्वयन के लिए प्रतिबद्ध है जिसके तहत दोनों एक-दूसरे की जेलों में बंद अपने-अपने नागरिकों की सूची का हर साल दो बार एक जनवरी एवं एक जुलाई को आदान-प्रदान करते हैं. टिप्पणियां
कार्यालय ने कहा कि पाकिस्तान ने समझौते का पूरी भावना से कार्यान्वयन किया है और यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि मानवीय मामले राजनीति की भेंट न चढ़ें. विदेश कार्यालय ने कहा, ''हम भारत से बयानबाजी की बजाय कार्रवाई के जरिए इसका जवाब देने की उम्मीद करते है.''(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
विदेश कार्यालय ने दावा किया, ''कमांडर जाधव भारतीय नौसेना के एक सेवारत अधिकारी हैं जिन्हें भारत की खुफिया एजेंसी रॉ ने जासूसी, आतंकवाद एवं विद्रोही गतिविधियों, के लिए पाकिस्तान भेजा था, जिनके कारण कई निर्दोष जानें गईं और संपत्ति का नुकसान हुआ.''पाकिस्तानी विदेश कार्यालय ने कहा कि पाकिस्तान राजनयिक पहुंच से संबंधित 2008 के समझौते के कार्यान्वयन के लिए प्रतिबद्ध है जिसके तहत दोनों एक-दूसरे की जेलों में बंद अपने-अपने नागरिकों की सूची का हर साल दो बार एक जनवरी एवं एक जुलाई को आदान-प्रदान करते हैं. टिप्पणियां
कार्यालय ने कहा कि पाकिस्तान ने समझौते का पूरी भावना से कार्यान्वयन किया है और यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि मानवीय मामले राजनीति की भेंट न चढ़ें. विदेश कार्यालय ने कहा, ''हम भारत से बयानबाजी की बजाय कार्रवाई के जरिए इसका जवाब देने की उम्मीद करते है.''(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
कार्यालय ने कहा कि पाकिस्तान ने समझौते का पूरी भावना से कार्यान्वयन किया है और यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि मानवीय मामले राजनीति की भेंट न चढ़ें. विदेश कार्यालय ने कहा, ''हम भारत से बयानबाजी की बजाय कार्रवाई के जरिए इसका जवाब देने की उम्मीद करते है.''(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | पाकिस्तान की जेलों में कम से कम 546 भारतीय नागरिक बंद
पाक ने कहा- रॉ ने जासूसी, आतंकवादी गतिविधियों के लिए जाधव को भेजा
भारत से बयानबाजी के बजाय कार्रवाई से जवाब देने की उम्मीद जताई | 26 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: दक्षिण दिल्ली के वसंत कुंज इलाके में शनिवार को एक मोटरसाइकिल सवार बारिश के पानी से भरे गड्ढे में फिसल गया, तभी एक टैंकर ने उसे कुचल डाला.
एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि प्रवीण मोटरसाइकिल से जा रहा था और वसंत कुंज में स्क्वायर मॉल के नजदीक शनिवार शाम करीब 7:30 बजे एक बड़े गड्ढे में उसकी मोटरसाइकिल गिर गई. प्रवीण वहां से गुजर रहे एक टैंकर के नीचे आ गया.टिप्पणियां
राहगीरों ने उसे पास के एक अस्पताल में पहुंचाया, जहां उसने दम तोड़ दिया. उसका शव पोस्टमार्टम के लिए एम्स भेज दिया गया. पीड़ित पश्चिमी दिल्ली के उत्तम नगर इलाके में मोहन गार्डेन का रहने वाला था. टैंकर को बाद में पुलिस ने जब्त कर लिया. हालांकि टैंकर का ड्राइवर फरार है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि प्रवीण मोटरसाइकिल से जा रहा था और वसंत कुंज में स्क्वायर मॉल के नजदीक शनिवार शाम करीब 7:30 बजे एक बड़े गड्ढे में उसकी मोटरसाइकिल गिर गई. प्रवीण वहां से गुजर रहे एक टैंकर के नीचे आ गया.टिप्पणियां
राहगीरों ने उसे पास के एक अस्पताल में पहुंचाया, जहां उसने दम तोड़ दिया. उसका शव पोस्टमार्टम के लिए एम्स भेज दिया गया. पीड़ित पश्चिमी दिल्ली के उत्तम नगर इलाके में मोहन गार्डेन का रहने वाला था. टैंकर को बाद में पुलिस ने जब्त कर लिया. हालांकि टैंकर का ड्राइवर फरार है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
राहगीरों ने उसे पास के एक अस्पताल में पहुंचाया, जहां उसने दम तोड़ दिया. उसका शव पोस्टमार्टम के लिए एम्स भेज दिया गया. पीड़ित पश्चिमी दिल्ली के उत्तम नगर इलाके में मोहन गार्डेन का रहने वाला था. टैंकर को बाद में पुलिस ने जब्त कर लिया. हालांकि टैंकर का ड्राइवर फरार है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | संक्षिप्त पाठ: राहगीरों ने घायल शख्स को अस्पताल पहुंचाया, इलाज के दौरान मौत
पुलिस ने टैंकर को जब्त किया, ड्राइवर फरार
उत्तम नगर इलाके में मोहन गार्डेन का रहने वाला था पीड़ित | 13 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: म्यामांर की लोकतंत्र समर्थक नेता आंग सान सू ची ने अमेरिकी छात्रों को भारत के राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की रचनाओं को पढ़ने के लिए प्रोत्साहित करते हुए कहा है कि गांधी और और जवाहर लाल नेहरू ने उन्हें सबसे अधिक प्रभावित किया है।
सू ची ने कहा कि गांधी, नागरिक अधिकार कार्यकर्ता मार्टिन लूथर किंग और उनके पिता एवं 'राजनीतिक गुरु' आंग सान सिद्धांतवादी व्यक्ति थे, तथा जब देश के सैन्य शासकों ने उन्हें नजरबंद कर दिया था, तब वह स्वयं को अनुशासित रखने के लिए उनकी रचनाओं को पढ़ती थीं।टिप्पणियां
नोबल शांति पुरस्कार से सम्मानित 67-वर्षीय सू ची ने शनिवार को कोलंबिया यूनिवर्सिटी के सभागार में छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि गांधी की रचनाओं ने उन्हें बहुत अधिक प्रेरित किया है। उन्होंने छात्रों से उनकी रचनाएं पढ़ने का आग्रह किया।
यह पूछे जाने पर कि लक्ष्य प्राप्ति के लिए आगे बढ़ने के दौरान उन्हें अनुशासित रखने में उन पर सबसे अधिक किसका प्रभाव रहा है, सू ची ने कहा, गांधी का व्यक्तित्व वास्तव में अद्भुत है। मेरा मानना है कि आप सभी को उनकी रचनाएं पढ़नी चाहिए। आप उन्हें जितना अधिक पढ़ेंगे, आप उतने अधिक प्रभावित होंगे कि वह कौन थे और वह क्या थे।
सू ची ने कहा कि गांधी, नागरिक अधिकार कार्यकर्ता मार्टिन लूथर किंग और उनके पिता एवं 'राजनीतिक गुरु' आंग सान सिद्धांतवादी व्यक्ति थे, तथा जब देश के सैन्य शासकों ने उन्हें नजरबंद कर दिया था, तब वह स्वयं को अनुशासित रखने के लिए उनकी रचनाओं को पढ़ती थीं।टिप्पणियां
नोबल शांति पुरस्कार से सम्मानित 67-वर्षीय सू ची ने शनिवार को कोलंबिया यूनिवर्सिटी के सभागार में छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि गांधी की रचनाओं ने उन्हें बहुत अधिक प्रेरित किया है। उन्होंने छात्रों से उनकी रचनाएं पढ़ने का आग्रह किया।
यह पूछे जाने पर कि लक्ष्य प्राप्ति के लिए आगे बढ़ने के दौरान उन्हें अनुशासित रखने में उन पर सबसे अधिक किसका प्रभाव रहा है, सू ची ने कहा, गांधी का व्यक्तित्व वास्तव में अद्भुत है। मेरा मानना है कि आप सभी को उनकी रचनाएं पढ़नी चाहिए। आप उन्हें जितना अधिक पढ़ेंगे, आप उतने अधिक प्रभावित होंगे कि वह कौन थे और वह क्या थे।
नोबल शांति पुरस्कार से सम्मानित 67-वर्षीय सू ची ने शनिवार को कोलंबिया यूनिवर्सिटी के सभागार में छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि गांधी की रचनाओं ने उन्हें बहुत अधिक प्रेरित किया है। उन्होंने छात्रों से उनकी रचनाएं पढ़ने का आग्रह किया।
यह पूछे जाने पर कि लक्ष्य प्राप्ति के लिए आगे बढ़ने के दौरान उन्हें अनुशासित रखने में उन पर सबसे अधिक किसका प्रभाव रहा है, सू ची ने कहा, गांधी का व्यक्तित्व वास्तव में अद्भुत है। मेरा मानना है कि आप सभी को उनकी रचनाएं पढ़नी चाहिए। आप उन्हें जितना अधिक पढ़ेंगे, आप उतने अधिक प्रभावित होंगे कि वह कौन थे और वह क्या थे।
यह पूछे जाने पर कि लक्ष्य प्राप्ति के लिए आगे बढ़ने के दौरान उन्हें अनुशासित रखने में उन पर सबसे अधिक किसका प्रभाव रहा है, सू ची ने कहा, गांधी का व्यक्तित्व वास्तव में अद्भुत है। मेरा मानना है कि आप सभी को उनकी रचनाएं पढ़नी चाहिए। आप उन्हें जितना अधिक पढ़ेंगे, आप उतने अधिक प्रभावित होंगे कि वह कौन थे और वह क्या थे। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: म्यामांर की लोकतंत्र समर्थक नेता आंग सान सू ची ने अमेरिकी छात्रों को महात्मा गांधी की रचनाओं को पढ़ने के लिए प्रोत्साहित करते हुए कहा कि गांधी और और नेहरू ने उन्हें सबसे अधिक प्रभावित किया है। | 25 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: पीएमओ में एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, 'सरकार इस बार कोई चांस नहीं लेना चाहती, इसलिए उन्होंने एक दर्जन से ज्यादा अधिकारियों के नाम शॉर्टलिस्ट किए हैं.' जिन अधिकारियों के नाम शॉर्टलिस्ट किए गए हैं, उनमें 1983 बैच के अधिकारी शिवानंद झा (अभी गुजरात के डीजीपी हैं), बीएसएफ डायरेक्टर जनरल रजनीकांत मिश्रा, सीआईएसएफ डायरेक्टर जनरल राजेश रंजन, एनआईए डायरेक्टर जनरल वाईसी मोदी और मुंबई पुलिस कमिश्नर सुबोध जयसवाल शामिल हैं.
एक सीनियर अधिकारी ने कहा, 'अगर मामला वरिष्ठता पर फंसता है तो सरकार झा के नाम के साथ जा सकती है. पीएम उन्हें अच्छे से जानते हैं, उन्होंने झा को अहमदाबाद का पुलिस कमिश्नर नियुक्त किया था.' झा 2011 में रिटायर होंगे.
अगर गुजरात डीजीपी का पद खाली होता है तो मोदी सरकार सीबीआई के नंबर-2 राकेश अस्थाना को वहां भेज सकती है. अधिकारी के मुताबिक एनआईए के डायरेक्टर जनरल वाईसी मोदी भी सीबीआई चीफ पद के लिए मजबूत दावेदार हैं. उन्होंने कहा, 'उनका आरएसएस से भी जुड़ाव रहा है और काफी लंबे समय तक सीबीआई में काम किया है.' वाईसी मोदी उस विशेष जांच टीम का हिस्सा भी थे, जिसने गुजरात दंगों की जांच की थी.
सूत्रों के मुताबिक बीएसएफ के डायरेक्टर जनरल आरके मिश्रा के नाम पर भी विचार हो सकता है, क्योंकि वह पीएम के मुख्य सचिव नृपेंद्र मिश्रा के करीबी हैं. इसके साथ ही बताया गया है कि मुंबई पुलिस कमिश्नर सुबोध जयसवाल का भी आरएसएस से जुड़ाव रहा है. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: पीएम निवास पर कमेटी की बैठक आज
12 नाम किए शॉर्टलिस्ट- सूत्र
1982 से 1985 बैच के आईपीएस दौड़ में | 19 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: आंध्र प्रदेश के दिवंगत मुख्यमंत्री वाईएस राजशेखर रेड्डी की विधवा वाईएस विजयलक्ष्मी उर्फ विजयम्मा ने पुलिवेंदुला विधानसभा सीट के लिए हुए उपचुनाव में शुक्रवार को विजय हासिल कर ली है। जबकि विजयलक्ष्मी के बेटे व वाईएसआर कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष वाईएस जगनमोहन रेड्डी, कडप्पा लोकसभा सीट से भारी जीत दर्ज कराने की ओर अग्रसर हैं। विजयम्मा के नाम से लोकप्रिय विजयलक्ष्मी ने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी को 85,191 वोटों के भारी अंतर से पराजित किया। उन्होंने इस मामले में अपने पति को भी पीछे छोड़ दिया। दिवंगत वाईएसआर दो वर्ष पहले इसी सीट से 68,681 मतों के अंतर से निर्वाचित हुए थे। पति के निधन से पैदा हुई सहानुभूति की लहर पर सवार विजयलक्ष्मी को कुल 114,198 वोट हासिल हुए, जबकि उनके देवर व कांग्रेस उम्मीदवार वाईएस विवेकानंद रेड्डी को मात्र 28,626 मत हासिल हुए। तेलुगू देशम पार्टी (तेदेपा) के बी.टेक रवि 11,552 वोट पाकर तीसरे स्थान पर रहे। इसके पहले वाईएसआर के हेलीकॉप्टर दुर्घटना में निधन के चार महीने बाद दिसम्बर 2009 में हुए उपचुनाव में विजयलक्ष्मी इस सीट से निर्विरोध निर्वाचित हुई थीं। जगनमोहन भी कडप्पा लोकसभा सीट पर भारी अंतर के साथ जीत दर्ज कराने की ओर तेजी के साथ अग्रसर हैं। उन्होंने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस उम्मीदवार डीएल रवींद्र रेड्डी पर 500,000 से अधिक वोटों की बढ़त हासिल कर ली है। दिवंगत मुख्यमंत्री वाईएस राजशेखर रेड्डी के बेटे जगनमोहन का नई पार्टी बनाने के बाद यह पहला शक्ति परीक्षण है। उन्होंने कांग्रेस से इस्तीफा देकर हाल ही में वाईएसआर कांग्रेस पार्टी का गठन किया था। कडप्पा के 13.29 लाख पात्र मतदाताओं में से 10.28 लाख मतदाताओं ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया था। पुलिवेंदुला विधानसभा सीट, कडप्पा लोकसभा सीट के तहत ही आती है। यहां 189,000 मतदाताओं में से 156,276 ने वोट डाले थे। यहां कुल 42 उम्मीदवार मैदान में थे, जबकि कडप्पा लोकसभा सीट के लिए 25 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। दोनों सीटों के लिए हुए उपचुनाव के तहत आठ मई को मतदान हुआ था। इसके पहले 2009 में हुए चुनाव में जगन ने 178,846 वोटों के अंतर से जीत दर्ज कराई थी। उन्हें कुल 542,611 वोट मिले थे, जबकि तेदेपा के पालम श्रीकांत रेड्डी को 363,765 वोट हासिल हुए थे। | सारांश: वाईएस राजशेखर रेड्डी की विधवा वाईएस विजयलक्ष्मी उर्फ विजयम्मा ने पुलिवेंदुला विधानसभा सीट के लिए हुए उपचुनाव में विजय हासिल कर ली। | 33 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने बुधवार को नागरिकता (संशोधन) विधेयक को राज्यसभा की मंजूरी मिलने पर खुशी शिवसेनाऔर साथ ही शिवसेना पर निशाना साधा. बता दें कि शिवसेना ने लोकसभा में इस विधेयक को समर्थन दिया था, लेकिन राज्यसभा में इसपर मतदान नहीं किया. फडणवीस ने कहा कि उन्हें शिवसेना पर तरस आ रहा है, जिसने सत्ता के लालच में विचारधारा से समझौता किया. गौरतलब है कि शिवसेना ने हाल ही में कांग्रेस और राकांपा के साथ मिलकर महाराष्ट्र में सरकार बनाई है.
गौरतलब है कि नागरिकता संशोधन विधेयक (कैब) को लेकर असम समेत पूर्वोत्तर राज्यों में व्यापक विरोध प्रदर्शन के बीच संसद ने बुधवार को इस विधेयक को अपनी मंजूरी दे दी थी. राज्यसभा ने बुधवार को विस्तृत चर्चा के बाद इस विधेयक को पारित कर दिया था. सदन ने विधेयक को प्रवर समिति में भेजे जाने के विपक्ष के प्रस्ताव और संशोधनों को खारिज कर दिया. विधेयक के पक्ष में 125 मत पड़े जबकि 99 सदस्यों ने इसके खिलाफ मतदान किया.
विधेयक के संसद में पारित होने के तुरंत बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसे भारत और इसके करुणा तथा भाईचारे के मूल्यों के लिए ऐतिहासिक दिन करार दिया. उन्होंने ट्वीट किया कि विधेयक ‘‘वर्षों तक पीड़ा झेलने वाले अनेक लोगों के कष्टों को दूर करेगा.' मोदी ने राज्यसभा में विधेयक का समर्थन करने वाले सभी सदस्यों का आभार व्यक्त किया. गृह मंत्री अमित शाह ने दावा किया कि नागरिकता संशोधन विधेयक पूरी तरह से संवैधानिक प्रावधानों के अनुरूप है तथा इसमें ‘‘किसी की नागरिकता लेने नहीं, देने'' का प्रावधान है इसलिए देश के मुस्लिम नागरिकों को इससे डरने की जरूरत नहीं है. | संक्षिप्त सारांश: देवेन्द्र फडणवीस ने शिवसेना पर निशाना साधा
शिवसेना ने CAB का लोकसभा में समर्थन और राज्यसभा में बहिष्कार किया
शिवसेना ने CAB का लोकसभा में समर्थन और राज्यसभा में बहिष्कार किया | 29 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: रियो ओलिंपिक की 98 किग्रा ग्रीकोरोमन कुश्ती स्पर्धा के पहले दौर से ही बाहर होने के बाद भारतीय पहलवान हरदीप सिंह ने कहा कि देश को सिर्फ पदक जीतने के बाद ही खिलाड़ी का समर्थन नहीं करना चाहिए.
बल्कि उसकी यात्रा के दौरान भी सहयोग करना चाहिए. मंगलवार को तुर्की के इलदेम सेंक के खिलाफ 1-2 से शिकस्त के मिलने के बाद हरदीप ने कहा, ‘पदक जीतने के बाद पैसे और पुरस्कार की कोई कमी नहीं. लेकिन आपकी यात्रा के दौरान भारत में आपको जूझना पड़ता है और बामुश्किल सहयोग मिलता है.’
गौरतलब है कि भारत ने ओलिंपिक में इस बार अपना अब तक का सबसे बड़ा दल भेजा है. जबकि खेलों के महाकुंभ के खत्म होने में सिर्फ पांच दिन बचे हैं. और भारत को अब तक कोई भी पदक नहीं मिल पाया है.
ओलिंपिक की तैयारी में मदद के लिए भारतीय खेल प्राधिकरण की सराहना करते हुए हरदीप ने कहा, ‘यह अधिकांश ओलिंपिक खिलाड़ियों की कहानी है, इस स्तर तक आने के लिए हमें सचमुच में जूझना पड़ता है.'
फ्रीस्टाइल में 2013 राष्ट्रमंडल चैम्पियनशिप के कांस्य पदक विजेता हरदीप ने भारत में ग्रीको रोमन पहलवानों की स्थिति पर कहा, ‘‘विश्व विद्यालय स्तर पर ग्रीको रोमन नहीं होता इसलिए मैंने फ्रीस्टाइल में प्रतिस्पर्धा पेश की. भारत में काफी लोग इस शैली में हिस्सा नहीं लेते.’’टिप्पणियां
वर्ष 2009 में ग्रीको रोमन शैली में कुश्ती शुरू करने वाले हरदीप ने कहा, ‘‘कोचिंग में हमें कोई नुकसान नहीं है. एकमात्र प्रतिकूल चीज यह रही कि मैंने देर से शुरुआत की. अगर मैं जल्दी शुरुआत करता तो फायदे की स्थिति में होता. अब वे जल्दी शुरुआत कर रहे हैं इसलिए उनका आधार मजबूत है.’’ हरदीप ने हालांकि उम्मीद नहीं छोड़ी है और चार साल बाद टोक्यो में अगले ओलिंपिक में हिस्सा लेने की उम्मीद जताई. हरदीप ने हालांकि कहा कि महिला वर्ग में विनेश फोगट, बबिता कुमारी और साक्षी मलिक पदक की प्रबल दावेदार हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
बल्कि उसकी यात्रा के दौरान भी सहयोग करना चाहिए. मंगलवार को तुर्की के इलदेम सेंक के खिलाफ 1-2 से शिकस्त के मिलने के बाद हरदीप ने कहा, ‘पदक जीतने के बाद पैसे और पुरस्कार की कोई कमी नहीं. लेकिन आपकी यात्रा के दौरान भारत में आपको जूझना पड़ता है और बामुश्किल सहयोग मिलता है.’
गौरतलब है कि भारत ने ओलिंपिक में इस बार अपना अब तक का सबसे बड़ा दल भेजा है. जबकि खेलों के महाकुंभ के खत्म होने में सिर्फ पांच दिन बचे हैं. और भारत को अब तक कोई भी पदक नहीं मिल पाया है.
ओलिंपिक की तैयारी में मदद के लिए भारतीय खेल प्राधिकरण की सराहना करते हुए हरदीप ने कहा, ‘यह अधिकांश ओलिंपिक खिलाड़ियों की कहानी है, इस स्तर तक आने के लिए हमें सचमुच में जूझना पड़ता है.'
फ्रीस्टाइल में 2013 राष्ट्रमंडल चैम्पियनशिप के कांस्य पदक विजेता हरदीप ने भारत में ग्रीको रोमन पहलवानों की स्थिति पर कहा, ‘‘विश्व विद्यालय स्तर पर ग्रीको रोमन नहीं होता इसलिए मैंने फ्रीस्टाइल में प्रतिस्पर्धा पेश की. भारत में काफी लोग इस शैली में हिस्सा नहीं लेते.’’टिप्पणियां
वर्ष 2009 में ग्रीको रोमन शैली में कुश्ती शुरू करने वाले हरदीप ने कहा, ‘‘कोचिंग में हमें कोई नुकसान नहीं है. एकमात्र प्रतिकूल चीज यह रही कि मैंने देर से शुरुआत की. अगर मैं जल्दी शुरुआत करता तो फायदे की स्थिति में होता. अब वे जल्दी शुरुआत कर रहे हैं इसलिए उनका आधार मजबूत है.’’ हरदीप ने हालांकि उम्मीद नहीं छोड़ी है और चार साल बाद टोक्यो में अगले ओलिंपिक में हिस्सा लेने की उम्मीद जताई. हरदीप ने हालांकि कहा कि महिला वर्ग में विनेश फोगट, बबिता कुमारी और साक्षी मलिक पदक की प्रबल दावेदार हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
गौरतलब है कि भारत ने ओलिंपिक में इस बार अपना अब तक का सबसे बड़ा दल भेजा है. जबकि खेलों के महाकुंभ के खत्म होने में सिर्फ पांच दिन बचे हैं. और भारत को अब तक कोई भी पदक नहीं मिल पाया है.
ओलिंपिक की तैयारी में मदद के लिए भारतीय खेल प्राधिकरण की सराहना करते हुए हरदीप ने कहा, ‘यह अधिकांश ओलिंपिक खिलाड़ियों की कहानी है, इस स्तर तक आने के लिए हमें सचमुच में जूझना पड़ता है.'
फ्रीस्टाइल में 2013 राष्ट्रमंडल चैम्पियनशिप के कांस्य पदक विजेता हरदीप ने भारत में ग्रीको रोमन पहलवानों की स्थिति पर कहा, ‘‘विश्व विद्यालय स्तर पर ग्रीको रोमन नहीं होता इसलिए मैंने फ्रीस्टाइल में प्रतिस्पर्धा पेश की. भारत में काफी लोग इस शैली में हिस्सा नहीं लेते.’’टिप्पणियां
वर्ष 2009 में ग्रीको रोमन शैली में कुश्ती शुरू करने वाले हरदीप ने कहा, ‘‘कोचिंग में हमें कोई नुकसान नहीं है. एकमात्र प्रतिकूल चीज यह रही कि मैंने देर से शुरुआत की. अगर मैं जल्दी शुरुआत करता तो फायदे की स्थिति में होता. अब वे जल्दी शुरुआत कर रहे हैं इसलिए उनका आधार मजबूत है.’’ हरदीप ने हालांकि उम्मीद नहीं छोड़ी है और चार साल बाद टोक्यो में अगले ओलिंपिक में हिस्सा लेने की उम्मीद जताई. हरदीप ने हालांकि कहा कि महिला वर्ग में विनेश फोगट, बबिता कुमारी और साक्षी मलिक पदक की प्रबल दावेदार हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
ओलिंपिक की तैयारी में मदद के लिए भारतीय खेल प्राधिकरण की सराहना करते हुए हरदीप ने कहा, ‘यह अधिकांश ओलिंपिक खिलाड़ियों की कहानी है, इस स्तर तक आने के लिए हमें सचमुच में जूझना पड़ता है.'
फ्रीस्टाइल में 2013 राष्ट्रमंडल चैम्पियनशिप के कांस्य पदक विजेता हरदीप ने भारत में ग्रीको रोमन पहलवानों की स्थिति पर कहा, ‘‘विश्व विद्यालय स्तर पर ग्रीको रोमन नहीं होता इसलिए मैंने फ्रीस्टाइल में प्रतिस्पर्धा पेश की. भारत में काफी लोग इस शैली में हिस्सा नहीं लेते.’’टिप्पणियां
वर्ष 2009 में ग्रीको रोमन शैली में कुश्ती शुरू करने वाले हरदीप ने कहा, ‘‘कोचिंग में हमें कोई नुकसान नहीं है. एकमात्र प्रतिकूल चीज यह रही कि मैंने देर से शुरुआत की. अगर मैं जल्दी शुरुआत करता तो फायदे की स्थिति में होता. अब वे जल्दी शुरुआत कर रहे हैं इसलिए उनका आधार मजबूत है.’’ हरदीप ने हालांकि उम्मीद नहीं छोड़ी है और चार साल बाद टोक्यो में अगले ओलिंपिक में हिस्सा लेने की उम्मीद जताई. हरदीप ने हालांकि कहा कि महिला वर्ग में विनेश फोगट, बबिता कुमारी और साक्षी मलिक पदक की प्रबल दावेदार हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
फ्रीस्टाइल में 2013 राष्ट्रमंडल चैम्पियनशिप के कांस्य पदक विजेता हरदीप ने भारत में ग्रीको रोमन पहलवानों की स्थिति पर कहा, ‘‘विश्व विद्यालय स्तर पर ग्रीको रोमन नहीं होता इसलिए मैंने फ्रीस्टाइल में प्रतिस्पर्धा पेश की. भारत में काफी लोग इस शैली में हिस्सा नहीं लेते.’’टिप्पणियां
वर्ष 2009 में ग्रीको रोमन शैली में कुश्ती शुरू करने वाले हरदीप ने कहा, ‘‘कोचिंग में हमें कोई नुकसान नहीं है. एकमात्र प्रतिकूल चीज यह रही कि मैंने देर से शुरुआत की. अगर मैं जल्दी शुरुआत करता तो फायदे की स्थिति में होता. अब वे जल्दी शुरुआत कर रहे हैं इसलिए उनका आधार मजबूत है.’’ हरदीप ने हालांकि उम्मीद नहीं छोड़ी है और चार साल बाद टोक्यो में अगले ओलिंपिक में हिस्सा लेने की उम्मीद जताई. हरदीप ने हालांकि कहा कि महिला वर्ग में विनेश फोगट, बबिता कुमारी और साक्षी मलिक पदक की प्रबल दावेदार हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
वर्ष 2009 में ग्रीको रोमन शैली में कुश्ती शुरू करने वाले हरदीप ने कहा, ‘‘कोचिंग में हमें कोई नुकसान नहीं है. एकमात्र प्रतिकूल चीज यह रही कि मैंने देर से शुरुआत की. अगर मैं जल्दी शुरुआत करता तो फायदे की स्थिति में होता. अब वे जल्दी शुरुआत कर रहे हैं इसलिए उनका आधार मजबूत है.’’ हरदीप ने हालांकि उम्मीद नहीं छोड़ी है और चार साल बाद टोक्यो में अगले ओलिंपिक में हिस्सा लेने की उम्मीद जताई. हरदीप ने हालांकि कहा कि महिला वर्ग में विनेश फोगट, बबिता कुमारी और साक्षी मलिक पदक की प्रबल दावेदार हैं.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | यहाँ एक सारांश है:देश को सिर्फ पदक जीतने के बाद ही खिलाड़ी का समर्थन नहीं करना चाहिए
भारत ने ओलिंपिक में इस बार अपना अब तक का सबसे बड़ा दल भेजा है
'आपकी यात्रा के दौरान भारत में आपको जूझना पड़ता है' | 12 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: यमन में कबायली लड़ाकों की ओर से राष्ट्रपति महल और उसके परिसर में स्थित एक मस्जिद पर की गई गोलाबारी में राष्ट्रपति अली अब्दुल्ला सालेह, प्रधानमंत्री अली मुहम्मद मुजावर और कई वरिष्ठ पदाधिकारी घायल हो गए। एक सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि एक मस्जिद में दो गोले दागे गए, जिससे सरकारी सुरक्षा बल रिपब्लिकन गार्ड के चार अधिकारी मारे गए हैं। अधिकारी ने कहा, महल पर हमले की वजह से राष्ट्रपति सालेह घायल हो गए हैं। उन्हें हल्की चोटे आई हैं। सरकारी चैनल ने कहा है कि राष्ट्रपति सालेह ठीक हैं। राष्ट्रपति कार्यालय के एक सूत्र ने कहा कि यमन के रक्षा एवं सुरक्षा मामले के उप प्रधानमंत्री जनरल रशद अल-अलीमी गंभीर रूप से घायल हुए हैं। इससे पहले सत्ताधारी जनरल पीपुल्स कांग्रेस के प्रवक्ता तारिक अल-शामी ने बताया, मस्जिद के निकट हुई गोलाबारी में प्रधानमंत्री, संसद के प्रमुख और कई अन्य वरिष्ठ अधिकारी घायल हुए हैं। ये लोग राष्ट्रपति महल के निकट की मस्जिद में जुमे की नमाज के लिए पहुंचे थे और उसी जगह गोलाबारी की गई। | राष्ट्रपति महल व उसके परिसर में एक मस्जिद पर की गई गोलाबारी में राष्ट्रपति सालेह, प्रधानमंत्री मुजावर और कई अधिकारी घायल हो गए। | 6 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: अमेरिकी ओपन ग्रैंडस्लैम टेनिस टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन के बाद भारतीय खिलाड़ी सोमदेव देववर्मन इस्तांबुल में एटीपी चैलेंजर टूर्नामेंट के पहले राउंड उलटफेर के कारण बाहर हो गए।
दूसरी वरीयता प्राप्त सोमदेव को 75,000 डॉलर की पुरस्कार राशि के हार्डकोर्ट टूर्नामेंट के शुरुआती दौर में रूस के कोंस्टेटिन क्रावचुक से 2-6, 3-6 से हार का मुंह देखना पड़ा। विश्व रैंकिंग में 101वें स्थान पर काबिज सोमदेव और कोंस्टेटिन के बीच यह पहली भिडंत थी।टिप्पणियां
रूसी खिलाड़ी एटीपी रैंकिंग सूची में इस भारतीय से 74 स्थान नीचे है। सोमदेव ने अमेरिकी ओपन में चार मैचों में जीत दर्ज की थी, लेकिन वह एकल मुख्य ड्रॉ के दूसरे राउंड में इटली के आंद्रियास सेप्पी से हार गए थे।
64,000 यूरो पुरस्कार राशि के टूर्नामेंट में दिविज शरण और पूरब राजा की तीसरी वरीयता प्राप्त जोड़ी भी ऑस्ट्रिया के मैक्सीमिलियन नूक्रिस्ट और इस्तोनिया के जुर्गेन जोप्प से पहले राउंड में 3-6, 3-6 से हारकर बाहर हो गई। दिविज का भी अमेरिकी ओपन में प्रदर्शन शानदार रहा था, जिसमें वह अपने ताइपे के जोड़ीदार येन सुन लु के साथ प्री क्वार्टरफाइनल में पहुंचे थे।
दूसरी वरीयता प्राप्त सोमदेव को 75,000 डॉलर की पुरस्कार राशि के हार्डकोर्ट टूर्नामेंट के शुरुआती दौर में रूस के कोंस्टेटिन क्रावचुक से 2-6, 3-6 से हार का मुंह देखना पड़ा। विश्व रैंकिंग में 101वें स्थान पर काबिज सोमदेव और कोंस्टेटिन के बीच यह पहली भिडंत थी।टिप्पणियां
रूसी खिलाड़ी एटीपी रैंकिंग सूची में इस भारतीय से 74 स्थान नीचे है। सोमदेव ने अमेरिकी ओपन में चार मैचों में जीत दर्ज की थी, लेकिन वह एकल मुख्य ड्रॉ के दूसरे राउंड में इटली के आंद्रियास सेप्पी से हार गए थे।
64,000 यूरो पुरस्कार राशि के टूर्नामेंट में दिविज शरण और पूरब राजा की तीसरी वरीयता प्राप्त जोड़ी भी ऑस्ट्रिया के मैक्सीमिलियन नूक्रिस्ट और इस्तोनिया के जुर्गेन जोप्प से पहले राउंड में 3-6, 3-6 से हारकर बाहर हो गई। दिविज का भी अमेरिकी ओपन में प्रदर्शन शानदार रहा था, जिसमें वह अपने ताइपे के जोड़ीदार येन सुन लु के साथ प्री क्वार्टरफाइनल में पहुंचे थे।
रूसी खिलाड़ी एटीपी रैंकिंग सूची में इस भारतीय से 74 स्थान नीचे है। सोमदेव ने अमेरिकी ओपन में चार मैचों में जीत दर्ज की थी, लेकिन वह एकल मुख्य ड्रॉ के दूसरे राउंड में इटली के आंद्रियास सेप्पी से हार गए थे।
64,000 यूरो पुरस्कार राशि के टूर्नामेंट में दिविज शरण और पूरब राजा की तीसरी वरीयता प्राप्त जोड़ी भी ऑस्ट्रिया के मैक्सीमिलियन नूक्रिस्ट और इस्तोनिया के जुर्गेन जोप्प से पहले राउंड में 3-6, 3-6 से हारकर बाहर हो गई। दिविज का भी अमेरिकी ओपन में प्रदर्शन शानदार रहा था, जिसमें वह अपने ताइपे के जोड़ीदार येन सुन लु के साथ प्री क्वार्टरफाइनल में पहुंचे थे।
64,000 यूरो पुरस्कार राशि के टूर्नामेंट में दिविज शरण और पूरब राजा की तीसरी वरीयता प्राप्त जोड़ी भी ऑस्ट्रिया के मैक्सीमिलियन नूक्रिस्ट और इस्तोनिया के जुर्गेन जोप्प से पहले राउंड में 3-6, 3-6 से हारकर बाहर हो गई। दिविज का भी अमेरिकी ओपन में प्रदर्शन शानदार रहा था, जिसमें वह अपने ताइपे के जोड़ीदार येन सुन लु के साथ प्री क्वार्टरफाइनल में पहुंचे थे। | यह एक सारांश है: सोमदेव देववर्मन इस्तांबुल में एटीपी चैलेंजर टूर्नामेंट के पहले राउंड में उलटफेर के कारण बाहर हो गए और उन्हें रूस के कोंस्टेटिन क्रावचुक से 2-6, 3-6 से हार का मुंह देखना पड़ा। | 16 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: दूरसंचार मंत्री कपिल सिब्बल ने जनवरी 2008 में जारी सभी 122 लाईसेंस रद्द करने के उच्चतम न्यायालय के फैसले की घोषणा के बाद प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से मुलाकात की।टिप्पणियां
समझा जाता है कि उन्होंने न्यायालय के आदेश के असर और इस संबंध में उठाए जाने वाले कदमों के बारे में चर्चा की। उच्चतम न्यायालय ने यह कहते हुए 122 लाईसेंस रद्द कर दिए कि ये बिल्कुल मनमाने और असंवैधानिक तरीके से जारी किए गए थे।
न्यायालय ने सरकार से कहा कि वह नए लाइसेंस देने तथा स्पेक्ट्रम नीलामी के जरिए आवंटित करने की नयी प्रक्रिया शुरू करे। सरकार से इस संबंध में ट्राई से सुझाव लेने और चार महीने में प्रक्रिया पूरी करने के लिए कहा है। इस फैसले से जो प्रमुख कंपनियां प्रभावित होंगी उनमें यूनिनार, सिस्तेमा-श्याम, वीडियोकान, एतिसलात डीबी, लूप टेलीकॉम और आइडिया और कुछ अन्य कंपनियां शामिल हैं।
समझा जाता है कि उन्होंने न्यायालय के आदेश के असर और इस संबंध में उठाए जाने वाले कदमों के बारे में चर्चा की। उच्चतम न्यायालय ने यह कहते हुए 122 लाईसेंस रद्द कर दिए कि ये बिल्कुल मनमाने और असंवैधानिक तरीके से जारी किए गए थे।
न्यायालय ने सरकार से कहा कि वह नए लाइसेंस देने तथा स्पेक्ट्रम नीलामी के जरिए आवंटित करने की नयी प्रक्रिया शुरू करे। सरकार से इस संबंध में ट्राई से सुझाव लेने और चार महीने में प्रक्रिया पूरी करने के लिए कहा है। इस फैसले से जो प्रमुख कंपनियां प्रभावित होंगी उनमें यूनिनार, सिस्तेमा-श्याम, वीडियोकान, एतिसलात डीबी, लूप टेलीकॉम और आइडिया और कुछ अन्य कंपनियां शामिल हैं।
न्यायालय ने सरकार से कहा कि वह नए लाइसेंस देने तथा स्पेक्ट्रम नीलामी के जरिए आवंटित करने की नयी प्रक्रिया शुरू करे। सरकार से इस संबंध में ट्राई से सुझाव लेने और चार महीने में प्रक्रिया पूरी करने के लिए कहा है। इस फैसले से जो प्रमुख कंपनियां प्रभावित होंगी उनमें यूनिनार, सिस्तेमा-श्याम, वीडियोकान, एतिसलात डीबी, लूप टेलीकॉम और आइडिया और कुछ अन्य कंपनियां शामिल हैं। | यह एक सारांश है: दूरसंचार मंत्री कपिल सिब्बल ने जनवरी 2008 में जारी सभी 122 लाईसेंस रद्द करने के उच्चतम न्यायालय के फैसले की घोषणा के बाद प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से मुलाकात की। | 24 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: स्कॉर्पीन दस्तावेज लीक मामले का 'व्हिसलब्लोवर' हजारों पन्नों के डेटा का डिस्क सोमवार को ऑस्ट्रेलियाई सरकार को सौंपेगा. 'द ऑस्ट्रेलियन' अखबार ने यह जानकारी देते हुए बताया कि इस अनाम व्हिसलब्लोवर की पहचान से ऑस्ट्रेलियाई अधिकारी पहले ही अवगत हैं.
इस अखबार के सप्ताहांत संस्करण में छपी खबर में कहा गया है कि सोमवार को जब उसने अपनी खबर को लेकर फ्रांसीसी कंपनी डीसीएनएस से लीक के बारे में टिप्पणी के लिए संपर्क किया, तब तक इस बारे में भारत और फ्रांस के पास कोई जानकारी नहीं थी.टिप्पणियां
'द ऑस्ट्रेलियन' ने कहा कि व्हिसलब्लोवर चाहता है कि ऑस्ट्रेलिया को यह पता चले कि उसका भविष्य का पनडुब्बी साझेदार फ्रांस पहले ही भारत की नई पनडुब्बियों से जुड़े गोपनीय डेटा पर अपना नियंत्रण खो चुका है. इसके अनुसार इस व्हिसलब्लोवर ने उम्मीद जताई है कि इस पूरे मामले के बाद ऑस्ट्रेलिया की टर्नबुल सरकार और डीसीएनस यह सुनिश्चित करेंगे कि ऑस्ट्रेलिया का 50 अरब डॉलर की पनुडुब्बी परियोजना को भी इस तरह के भविष्य का सामना नहीं करना पड़ा.
अखबार ने कहा, 'उसने कोई कानून नहीं तोड़ा है और अधिकारियों को पता है कि यह कौन व्यक्ति है. उसने सोमवार को यह डिस्क सरकार के सुपुर्द करने की योजना बनाई है.' ऑस्ट्रेलियाई समाचार पत्र ने कहा कि लीक के पीछे की कहानी जासूसी से ज्यादा अक्षमता के बारे में है. इस अखबारों को सूत्रों ने बताया कि ये डेटा 2011 में पेरिस में डीसीएनएस से मिले थे.
इस अखबार के सप्ताहांत संस्करण में छपी खबर में कहा गया है कि सोमवार को जब उसने अपनी खबर को लेकर फ्रांसीसी कंपनी डीसीएनएस से लीक के बारे में टिप्पणी के लिए संपर्क किया, तब तक इस बारे में भारत और फ्रांस के पास कोई जानकारी नहीं थी.टिप्पणियां
'द ऑस्ट्रेलियन' ने कहा कि व्हिसलब्लोवर चाहता है कि ऑस्ट्रेलिया को यह पता चले कि उसका भविष्य का पनडुब्बी साझेदार फ्रांस पहले ही भारत की नई पनडुब्बियों से जुड़े गोपनीय डेटा पर अपना नियंत्रण खो चुका है. इसके अनुसार इस व्हिसलब्लोवर ने उम्मीद जताई है कि इस पूरे मामले के बाद ऑस्ट्रेलिया की टर्नबुल सरकार और डीसीएनस यह सुनिश्चित करेंगे कि ऑस्ट्रेलिया का 50 अरब डॉलर की पनुडुब्बी परियोजना को भी इस तरह के भविष्य का सामना नहीं करना पड़ा.
अखबार ने कहा, 'उसने कोई कानून नहीं तोड़ा है और अधिकारियों को पता है कि यह कौन व्यक्ति है. उसने सोमवार को यह डिस्क सरकार के सुपुर्द करने की योजना बनाई है.' ऑस्ट्रेलियाई समाचार पत्र ने कहा कि लीक के पीछे की कहानी जासूसी से ज्यादा अक्षमता के बारे में है. इस अखबारों को सूत्रों ने बताया कि ये डेटा 2011 में पेरिस में डीसीएनएस से मिले थे.
'द ऑस्ट्रेलियन' ने कहा कि व्हिसलब्लोवर चाहता है कि ऑस्ट्रेलिया को यह पता चले कि उसका भविष्य का पनडुब्बी साझेदार फ्रांस पहले ही भारत की नई पनडुब्बियों से जुड़े गोपनीय डेटा पर अपना नियंत्रण खो चुका है. इसके अनुसार इस व्हिसलब्लोवर ने उम्मीद जताई है कि इस पूरे मामले के बाद ऑस्ट्रेलिया की टर्नबुल सरकार और डीसीएनस यह सुनिश्चित करेंगे कि ऑस्ट्रेलिया का 50 अरब डॉलर की पनुडुब्बी परियोजना को भी इस तरह के भविष्य का सामना नहीं करना पड़ा.
अखबार ने कहा, 'उसने कोई कानून नहीं तोड़ा है और अधिकारियों को पता है कि यह कौन व्यक्ति है. उसने सोमवार को यह डिस्क सरकार के सुपुर्द करने की योजना बनाई है.' ऑस्ट्रेलियाई समाचार पत्र ने कहा कि लीक के पीछे की कहानी जासूसी से ज्यादा अक्षमता के बारे में है. इस अखबारों को सूत्रों ने बताया कि ये डेटा 2011 में पेरिस में डीसीएनएस से मिले थे.
अखबार ने कहा, 'उसने कोई कानून नहीं तोड़ा है और अधिकारियों को पता है कि यह कौन व्यक्ति है. उसने सोमवार को यह डिस्क सरकार के सुपुर्द करने की योजना बनाई है.' ऑस्ट्रेलियाई समाचार पत्र ने कहा कि लीक के पीछे की कहानी जासूसी से ज्यादा अक्षमता के बारे में है. इस अखबारों को सूत्रों ने बताया कि ये डेटा 2011 में पेरिस में डीसीएनएस से मिले थे. | यह एक सारांश है: ऑस्ट्रेलिया के अखबार 'द ऑस्ट्रेलियन' ने इस लीक की खबर छापी थी
इस अनाम व्हिसलब्लोवर की पहचान से ऑस्ट्रेलियाई अधिकारी अवगत हैं : अखबार
अखबार को सूत्रों ने बताया कि डेटा 2011 में पेरिस में डीसीएनएस से मिले थे | 24 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के बाद जहां एक तरफ राममंदिर निर्माण का मार्ग प्रशस्त हो गया है, वहीं अयोध्या की गायों के दिन भी बहुरने वाले हैं. नगर निगम इन्हें ठंड से बचाने के लिए कोट पहनाने की तैयारी कर रहा है. अयोध्या में राममंदिर और गोरक्षा सरकार के एजेंडे में है. इसे ध्यान में रखते हुए नगर-निगम यह कदम उठाने जा रहा है. निगम ने साधु-संतों और अन्य लोगों से विचार-विमर्श बाद गायों को ठंड से बचाने की दिशा में यह निर्णय लिया है.
अयोध्या के नगर आयुक्त डॉ. नीरज शुक्ला ने आईएएनएस से बातचीत में कहा, "रामनगरी अयोध्या में गायों को ठंड से बचाने के लिए उम्दा इंतजाम किए जा रहे हैं. यहां की बैसिंह स्थित गौशाला में गाय को ठंड से बचाने के लिए 'काऊ कोट' के इंतजाम किए जा रहे हैं. यह व्यवस्था दो-तीन चरणों में लागू होगी, क्योंकि यहां पर गायों की संख्या 1,200 है. इसलिए पहले यहां पर उनके 100 बच्चों के लिए कोट तैयार कराए जा रहे हैं."
उन्होंने बताया, "गायों के बच्चों के लिए तीन लेयर वाला कोट बनाया जा रहा है. पहले मुलायम कपड़ा उसके बाद फोम फिर जूट लगाकर इसे बनाया जाएगा. पहले कपड़ा इसलिए कि यह बच्चों को गड़े नहीं. फिर फोम इस वजह से कि गीली जगह बैठने पर वह आसानी से सोख ले और जूट गर्माहट प्रदान करने के काम आएगा. इसका सैम्पल तैयार हो गया है. नवम्बर खत्म होते ही यहां पर डिलीवरी हो जाएगी. इसकी कीमत 250 रुपये और 300 रुपये के बीच में आएगी."
नगर आयुक्त डॉ. शुक्ला ने बताया, "पहले 100 बच्चों को पहनाया जाएगा. इसके तुरंत बाद सभी को कोट पहनाया जाएगा. नर और मादा पशुओं के लिए भी अलग-अलग डिजाइन होगी. नर पशुओं के लिए कोट केवल जूट का होगा, क्योंकि उन्हें पहनाने में दिक्कत होती है. मादा के लिए दो लेयर का कोट बनेगा. इसे डॉगी स्टाइल से बांधने की व्यवस्था होगी, ताकि सभी गायें और उनके बच्चे यह कोट पहनकर शीतलहरी से बच सकें."
शुक्ला ने बताया, "इसके अलावा गौशाला में सभी जगह गायों को ठंड से बचाने के लिए अलाव जलाया जाएगा. इसके अलावा सभी कमरों में जूट के पर्दे की भी व्यवस्था की जाएगी. जानवरों के जमीन पर नीचे बैठने के लिए पुआल डाली जा रही है. इसको एक-दो दिन में बदला भी जा रहा है. इसे मॉडल गौशाला के रूप में विकसित करने की योजना है." | सारांश: नगर निगम ने ठंड को देखते हुए लिया फैसला
साधु-संतो से किया गया विचार-विमर्श
नर मादा गायों के लिए होगी अलग-अलग डिजाइन | 31 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: रियो ओलंपिक में कांस्य पदक जीतकर देश का नाम रोशन करने वाली रेसलर साक्षी मलिक और अंतरराष्ट्रीय पहलवान सत्यव्रत कादियान रविवार को शादी के बंधन में बंध गए. शादी का कार्यक्रम रोहतक के नांदल भवन में देर रात तक चला. शादी में खेल से लेकर राजनीतिक, फिल्म और अन्य क्षेत्रों की हस्तियों का जमावड़ा रहा. सुबह से ही साक्षी और सत्यव्रत के घर पर शादी के लिए रस्में शुरू हुईं. वहीं दिन में हरियाणा के कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ साक्षी के घर पहुंचे.टिप्पणियां
शाम करीब साढ़े बजे सत्यव्रत रोहतक की नई अनाज मंडी के सामने स्थित अपने आवास से बरात लेकर पहुंचे. साक्षी वहां तक सिंड्रेला बग्घी में बैठकर आईं. वरमाला की रस्म अदा की गई. इससे पहले दिन में सत्यव्रत के अखाड़े में संपन्न हुई टीके की रस्म में सबसे खास बात है कि इसमें किसी तरह दहेज या लेनदेन नहीं हुआ है. दूल्हे सत्यव्रत के लग्न टीका में महज चांदी का एक सिक्का स्वीकार किया. वहीं साक्षी और सत्यव्रत ने मंगलगीत के बीच अपने घरों पर परंपरागत रस्में निभाई. विवाह स्थल नांदल भवन बिटिया की शादी के लिए सज-धजकर तैयार था, जहां बारात के स्वागत से फेरों और विदाई तक की सभी रस्में निभाई गई.
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक जयमाला के दौरान साक्षी और सत्यव्रत कादियान ने एक-दूजे को बेंगलुरु में बनाई गई माला पहनाई. जयमाला के लिए मुख्य स्टेज को खास तौर पर तैयार किया गया. वहीं कार्यक्रम के दौरान पुलिस और प्रशासन की पूरी सुरक्षा रही. सुरक्षा के लिहाज से पूरे कार्यक्रम की तैयारियों से जुड़ी रोहतक की सिक्योरिटी एजेंसी की सेवाएं ली गईं.
शाम करीब साढ़े बजे सत्यव्रत रोहतक की नई अनाज मंडी के सामने स्थित अपने आवास से बरात लेकर पहुंचे. साक्षी वहां तक सिंड्रेला बग्घी में बैठकर आईं. वरमाला की रस्म अदा की गई. इससे पहले दिन में सत्यव्रत के अखाड़े में संपन्न हुई टीके की रस्म में सबसे खास बात है कि इसमें किसी तरह दहेज या लेनदेन नहीं हुआ है. दूल्हे सत्यव्रत के लग्न टीका में महज चांदी का एक सिक्का स्वीकार किया. वहीं साक्षी और सत्यव्रत ने मंगलगीत के बीच अपने घरों पर परंपरागत रस्में निभाई. विवाह स्थल नांदल भवन बिटिया की शादी के लिए सज-धजकर तैयार था, जहां बारात के स्वागत से फेरों और विदाई तक की सभी रस्में निभाई गई.
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक जयमाला के दौरान साक्षी और सत्यव्रत कादियान ने एक-दूजे को बेंगलुरु में बनाई गई माला पहनाई. जयमाला के लिए मुख्य स्टेज को खास तौर पर तैयार किया गया. वहीं कार्यक्रम के दौरान पुलिस और प्रशासन की पूरी सुरक्षा रही. सुरक्षा के लिहाज से पूरे कार्यक्रम की तैयारियों से जुड़ी रोहतक की सिक्योरिटी एजेंसी की सेवाएं ली गईं.
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक जयमाला के दौरान साक्षी और सत्यव्रत कादियान ने एक-दूजे को बेंगलुरु में बनाई गई माला पहनाई. जयमाला के लिए मुख्य स्टेज को खास तौर पर तैयार किया गया. वहीं कार्यक्रम के दौरान पुलिस और प्रशासन की पूरी सुरक्षा रही. सुरक्षा के लिहाज से पूरे कार्यक्रम की तैयारियों से जुड़ी रोहतक की सिक्योरिटी एजेंसी की सेवाएं ली गईं. | सारांश: साक्षी मलिक और पहलवान सत्यव्रत कादियान शादी के बंधन में बंधे
शादी का कार्यक्रम रोहतक के नांदल भवन में देर रात तक चला
शादी में खेल से लेकर कई क्षेत्रों की हस्तियों का जमावड़ा रहा | 5 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सोमवार को कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से नजदीकी दिखाकर मीडिया का एक धड़ा उनकी राजनीतिक हत्या करना चाह रहा है. पटना में जेडीयू विधानमंडल दल के सदस्यों की बैठक में पार्टी के अध्यक्ष नीतीश ने कहा, 'कुछ लोग उनकी राजनीतिक हत्या की साजिश रच रहे हैं. इसके लिए कई तरह की अफवाहें फैलाई जा रही हैं.'
बैठक से बाहर निकलने के बाद पार्टी के एक विधान पार्षद ने बताया कि बैठक में नीतीश कुमार ने स्पष्ट कहा कि कुछ मीडिया निराधार खबरें प्रकाशित कर रही हैं. कुछ दिन पूर्व भाजपा अध्यक्ष अमित शाह से उनके मिलने की खबर प्रकाशित की गई थी और अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से फोन पर बात करने की बात की जा रही है.
नीतीश ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि आजकल राजनीतिक मुद्दों पर नजरिया रखने पर अनर्गल राजनीतिक व्याख्या की जाती है. मैं इसकी चिंता नहीं करता. बहुत लंबे वक्त से मेरे राजनीतिक जीवन पर प्रहार करके उसे खत्म करने के अनवरत प्रयास जारी हैं.
नीतीश ने बैठक में कहा कि वह केवल नोटबंदी के निर्णय का समर्थन करते हैं, न कि इस निर्णय से भाजपा से नजदीकियां बढ़ी हैं. उन्होंने कहा कि बिहार में महागठबंधन की सरकार मजबूती से चल रही है.
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर के मुद्दे जैसे यूपीए सरकार के समय भाजपाशासित राज्य जीएसटी का विरोध कर रहे थे, उस समय भी उन्होंने राज्य हित में इसे लागू करने का समर्थन किया था. दौर बदला है, जो जीएसटी का विरोध कर रहे थे, आज वे जीएसटी लागू किए जाने का समर्थन कर रहे हैं.टिप्पणियां
नीतीश ने कहा, राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दे, काला धन पर कार्रवाई किए जाने की बात और जीएसटी जैसे राष्ट्रीय हित के मुद्दे पर अपना नजरिया पेश करने के बाद कुछ लोग राजनीतिक व्याख्या में लग जाते हैं.
उल्लेखनीय है कि दो दिन पूर्व नीतीश ने एक समारोह में सार्वजनिक तौर पर भाजपा अध्यक्ष से किसी भी प्रकार की मुलाकात की खबरों का खंडन किया था.
बैठक से बाहर निकलने के बाद पार्टी के एक विधान पार्षद ने बताया कि बैठक में नीतीश कुमार ने स्पष्ट कहा कि कुछ मीडिया निराधार खबरें प्रकाशित कर रही हैं. कुछ दिन पूर्व भाजपा अध्यक्ष अमित शाह से उनके मिलने की खबर प्रकाशित की गई थी और अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से फोन पर बात करने की बात की जा रही है.
नीतीश ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि आजकल राजनीतिक मुद्दों पर नजरिया रखने पर अनर्गल राजनीतिक व्याख्या की जाती है. मैं इसकी चिंता नहीं करता. बहुत लंबे वक्त से मेरे राजनीतिक जीवन पर प्रहार करके उसे खत्म करने के अनवरत प्रयास जारी हैं.
नीतीश ने बैठक में कहा कि वह केवल नोटबंदी के निर्णय का समर्थन करते हैं, न कि इस निर्णय से भाजपा से नजदीकियां बढ़ी हैं. उन्होंने कहा कि बिहार में महागठबंधन की सरकार मजबूती से चल रही है.
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर के मुद्दे जैसे यूपीए सरकार के समय भाजपाशासित राज्य जीएसटी का विरोध कर रहे थे, उस समय भी उन्होंने राज्य हित में इसे लागू करने का समर्थन किया था. दौर बदला है, जो जीएसटी का विरोध कर रहे थे, आज वे जीएसटी लागू किए जाने का समर्थन कर रहे हैं.टिप्पणियां
नीतीश ने कहा, राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दे, काला धन पर कार्रवाई किए जाने की बात और जीएसटी जैसे राष्ट्रीय हित के मुद्दे पर अपना नजरिया पेश करने के बाद कुछ लोग राजनीतिक व्याख्या में लग जाते हैं.
उल्लेखनीय है कि दो दिन पूर्व नीतीश ने एक समारोह में सार्वजनिक तौर पर भाजपा अध्यक्ष से किसी भी प्रकार की मुलाकात की खबरों का खंडन किया था.
नीतीश ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि आजकल राजनीतिक मुद्दों पर नजरिया रखने पर अनर्गल राजनीतिक व्याख्या की जाती है. मैं इसकी चिंता नहीं करता. बहुत लंबे वक्त से मेरे राजनीतिक जीवन पर प्रहार करके उसे खत्म करने के अनवरत प्रयास जारी हैं.
नीतीश ने बैठक में कहा कि वह केवल नोटबंदी के निर्णय का समर्थन करते हैं, न कि इस निर्णय से भाजपा से नजदीकियां बढ़ी हैं. उन्होंने कहा कि बिहार में महागठबंधन की सरकार मजबूती से चल रही है.
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर के मुद्दे जैसे यूपीए सरकार के समय भाजपाशासित राज्य जीएसटी का विरोध कर रहे थे, उस समय भी उन्होंने राज्य हित में इसे लागू करने का समर्थन किया था. दौर बदला है, जो जीएसटी का विरोध कर रहे थे, आज वे जीएसटी लागू किए जाने का समर्थन कर रहे हैं.टिप्पणियां
नीतीश ने कहा, राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दे, काला धन पर कार्रवाई किए जाने की बात और जीएसटी जैसे राष्ट्रीय हित के मुद्दे पर अपना नजरिया पेश करने के बाद कुछ लोग राजनीतिक व्याख्या में लग जाते हैं.
उल्लेखनीय है कि दो दिन पूर्व नीतीश ने एक समारोह में सार्वजनिक तौर पर भाजपा अध्यक्ष से किसी भी प्रकार की मुलाकात की खबरों का खंडन किया था.
नीतीश ने बैठक में कहा कि वह केवल नोटबंदी के निर्णय का समर्थन करते हैं, न कि इस निर्णय से भाजपा से नजदीकियां बढ़ी हैं. उन्होंने कहा कि बिहार में महागठबंधन की सरकार मजबूती से चल रही है.
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर के मुद्दे जैसे यूपीए सरकार के समय भाजपाशासित राज्य जीएसटी का विरोध कर रहे थे, उस समय भी उन्होंने राज्य हित में इसे लागू करने का समर्थन किया था. दौर बदला है, जो जीएसटी का विरोध कर रहे थे, आज वे जीएसटी लागू किए जाने का समर्थन कर रहे हैं.टिप्पणियां
नीतीश ने कहा, राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दे, काला धन पर कार्रवाई किए जाने की बात और जीएसटी जैसे राष्ट्रीय हित के मुद्दे पर अपना नजरिया पेश करने के बाद कुछ लोग राजनीतिक व्याख्या में लग जाते हैं.
उल्लेखनीय है कि दो दिन पूर्व नीतीश ने एक समारोह में सार्वजनिक तौर पर भाजपा अध्यक्ष से किसी भी प्रकार की मुलाकात की खबरों का खंडन किया था.
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर के मुद्दे जैसे यूपीए सरकार के समय भाजपाशासित राज्य जीएसटी का विरोध कर रहे थे, उस समय भी उन्होंने राज्य हित में इसे लागू करने का समर्थन किया था. दौर बदला है, जो जीएसटी का विरोध कर रहे थे, आज वे जीएसटी लागू किए जाने का समर्थन कर रहे हैं.टिप्पणियां
नीतीश ने कहा, राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दे, काला धन पर कार्रवाई किए जाने की बात और जीएसटी जैसे राष्ट्रीय हित के मुद्दे पर अपना नजरिया पेश करने के बाद कुछ लोग राजनीतिक व्याख्या में लग जाते हैं.
उल्लेखनीय है कि दो दिन पूर्व नीतीश ने एक समारोह में सार्वजनिक तौर पर भाजपा अध्यक्ष से किसी भी प्रकार की मुलाकात की खबरों का खंडन किया था.
नीतीश ने कहा, राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दे, काला धन पर कार्रवाई किए जाने की बात और जीएसटी जैसे राष्ट्रीय हित के मुद्दे पर अपना नजरिया पेश करने के बाद कुछ लोग राजनीतिक व्याख्या में लग जाते हैं.
उल्लेखनीय है कि दो दिन पूर्व नीतीश ने एक समारोह में सार्वजनिक तौर पर भाजपा अध्यक्ष से किसी भी प्रकार की मुलाकात की खबरों का खंडन किया था.
उल्लेखनीय है कि दो दिन पूर्व नीतीश ने एक समारोह में सार्वजनिक तौर पर भाजपा अध्यक्ष से किसी भी प्रकार की मुलाकात की खबरों का खंडन किया था. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: 'सिर्फ नोटबंदी का समर्थन करता हूं, इससे भाजपा से नजदीकियां नहीं बढ़ी'
'बिहार में महागठबंधन की सरकार मजबूती से चल रही है'
'मीडिया में कई तरह की अफवाहें फैलाई जा रही हैं' | 32 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता राम माधव ने पाक अधिकृत कश्मीर (PKO) को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि आज जो कुछ भी हमारे पड़ोसी (पाकिस्तान) के कब्जे में है वह भी हमारा है और वह हम तक आ जाएगा. माधव ने इस दौरान देशवासियों से एक अनुरोध भी किया. उन्होंने कहा कि कश्मीर के लोगों से जुड़ना हम सभी की जिम्मेदारी है क्योंकि वे एक ऐसे समाज में रहे हैं जिनके मन में पिछले 50-60 सालों में अलगाववादी विचार भरे गए. साथ ही उन्होंने कहा कि भारतीय होने के नाते हमें कश्मीर को पाकिस्तान के चश्मे से नहीं देखना चाहिए. बता दें कि भाजपा नेता “नया भारत, नया कश्मीर” विषय पर रखे गए एक कार्यक्रम में बोल रहे रहे थे जिसका आयोजन पार्टी की एर्नाकुलम जिला समिति ने यहां किया था.
जम्मू एवं कश्मीर के सीमांत गांवों में केंद्र सरकार द्वारा लागू की गई बुनियादी ढांचा परियोजनाओं और अन्य योजनाओं का ज़िक्र करते हुए जितेंद्र सिंह ने कहा था कि वह 'विपरीत विचारधारा' के लोगों के साथ चर्चा करना चाहेंगे. उन्होंने कहा था कि यह शोध का मुद्दा है कि ये लोग सेना को क्यों कोसते हैं, जो उनकी रक्षा करती है. आज, हम उस स्थिति में हैं कि उनसे सवाल कर सकें. हमें अपने संसाधन उन लोगों पर क्यों बर्बाद करने चाहिए, जो देश के दुश्मन हैं..."
सीमा सुरक्षा की पहली पंक्ति कहे जाने वाले स्थानीय लोगों को सुरक्षित रखने का ब्लूप्रिंट पेश करते हुए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सहसरकार्यवाह कृष्णगोपाल ने कहा था कि यह उत्तरदायित्व उन लोगों का है, जो शहरों में रहते हैं. उन्होंने कहा था कि सीमा की रक्षा की पहली पंक्ति, यानी स्थानीय लोगों - की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके, यह ज़िम्मेदारी शेष भारत की है... आपको वहां जाकर अपनी सेवाएं प्रदान करना सुनिश्चित करना होगा... सरकार अकेले यह नहीं कर सकती है..."
RSS देश के सीमाई इलाकों के साथ मज़बूत रिश्ता कायम किए जाने की वकालत करता रहा है, और देश के अन्य इलाकों में रहने वाले नागरिकों से इन इलाकों के नियमित दौरे करने व सतर्क रहने के लिए कहता रहा है, क्योंकि राष्ट्रीय संप्रभुता की रक्षा करने की ज़िम्मेदारी अकेले सरकार पर नहीं छोड़ी जा सकती.
कृष्णगोपाल ने कहा था कि शेष भारत के लोगों को अपनी सेवाएं उन (सीमांत इलाकों में रहने वाले) लोगों को देनी होंगी, भले ही वे इसके लिए आग्रह नहीं करें. उन्होंने कहा, "इन 11,000 गांवों को तीर्थ मानकर यात्रा करें, दान करें, और सेवा करें, वे आपके हो जाएंगे..." | पीओके पर पाकिस्तान का गलत कब्जा- राम माधव
'जम्मू-कश्मीर में जो किया गया वह जरूरी था'
पीओके को हम लेकर ही मानेंगे - राम माधव | 28 | ['hin'] |
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