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इस पाठ का सारांश बनाओ: विकीलीक्स के खुलासे पर यूपी की मुख्यमंत्री मायावती ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके कहा है कि विकीलीक्स का मालिक पागल हो गया है। उसे पागलखाने भेज देना चाहिए। अगर उनकी सरकार के पास पागलखाने में जगह न हो तो हमारे आगरा के पागलखाने में भेज दें। मायावती ने साफ-साफ आरोप लगाया कि यह विरोधी पार्टियों की साजिश हैं और विकीलीक्स के साथ विरोध पार्टियां मिली हुई हैं। उन्होंने सतीश मिश्रा के बयान को भी बेबुनियाद बताया है। इससे पहले विकीलीक्स ने मायावती को लेकर एक खुलासा किया था। इस खुलासे में अमेरिकी दूतावास को भेजे केबल के मुताबिक बीएसपी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और राज्यसभा सांसद सतीश चंद्र मिश्रा ने मायावती को भ्रष्ट और तानाशाह बताया था। यह बात 29 मई 2007 की है, जब अमेरिकी अफसरों ने मिश्रा से बातचीत की थी। भेजे केबल के मुताबिक उन्होंने यह बात मायावती के शपथ लेने के 16 दिन बाद कही थी। मायावती को सत्ता दिलाने में सतीश चंद्र मिश्रा का अहम रोल रहा है। यही नहीं विकीलीक्स ने अपने खुलासे में यह भी बताया कि मायावती ने अपने लिए खास किस्म के सैंडल मंगवाने के लिए मुंबई एक प्राइवेट जेट विमान भेजा था। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: विकीलीक्स के खुलासे पर यूपी की मुख्यमंत्री मायावती ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके कहा है कि विकीलीक्स का मालिक पागल हो गया है। | 11 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: अगर आप सोचते हैं कि ई-स्पोर्ट्स को गंभीरता से नहीं लिया जा सकता तो ये खबर शायद आपकी सोच बदल दे. मलेशिया की राजधानी कुआलालाम्पुर में 29 नवंबर से 1 दिसंबर के बीच बहुत बड़े स्तर के पबजी मोबाइल टूर्नामेंट (PUBG Tournament) का आयोजन किया गया. इस प्रतियोगिता के विजेता की बात की जाए तो इस मुकाबले को इंडोनेशिया की टीम बिगेट्रोन आरए ने जीता. विजेता टीम को 180,000 डॉलर यानी तकरीबन 1 करोड़ 29 लाख रुपये की राशि दी गई. इस प्रतियोगिता में चीन की टीम टॉप ईस्पोर्ट्स दूसरे पायदान पर रही जिसे 90,000 डॉलर की राशि दी गई. इसी तरह तीसरे स्थान पर थाइलैंड की टीम मेगा ईस्पोर्ट्स रही, जिसे 45000 डॉलर की नकद राशि दी गई. पबजी मोबाइल क्लब ओपन फॉल स्प्लिट ग्लोबल फाइनल मुकाबले के लिए तीन महीने तक क्वालिफाई मैच हुए थे जिसके बाद सबसे बेहतरीन टीम आखिरी मुकाबले तक पहुंची. इस पबजी प्रतियोगिता में 16 प्रो और सेमी प्रो टीमों ने हिस्सा लिया जो 10 अलग-अलग क्षेत्रों से संबंधित रखती हैं.
टेंसेंट गेम्स के ग्लोबल पब्लिशिंग सेंटर के जनरल मैनेजर, विंसेंट वांग ने एक बयान में कहा कि महीनों के कड़े मुकाबले और आखिरी मुकाबले में बिगेट्रोन आरए को विजेता बनता देख हम रोमांचित हो उठे हैं. वांग ने कहा कि हम सभी टीमों को मुकाबले में हिस्सा लेने के लिए शुभकामनाएं देते हैं. हम सभी टीमों का शुक्रिया अदा करते हैं जिन्होंने दिखा दिया ये एक गेम से बढ़कर है, जिसमें खिलाड़ी खेल का आनंद उठाते हैं, एक दूसरे को चुनौती देते हैं, दोस्तों और परिवार के संपर्क में रहते हैं और खेल के दौरान नए लोगों से मुलाकात करते हैं.
बता दें कि ऐसा पहला मौका नहीं है जब ईस्पोर्ट्स के मामले में किसी टीम को इतनी बड़ी पुरस्कार राशि से सम्मानित किया गया हो. इस साल जुलाई में 16 वर्षीय गेमर ने एक फोर्टनाइट वर्ल्ड चैंपियनशिप में 20 करोड़ 64 लाख रुपये की राशि जीती थी. किली गियर्सड्रोफ एकेए बुघा ने 40 देशों के 40 मिलियन खिलाड़ियों में से ये मुकाबला जीता था. वे एकल मुकाबले में जीते थे और मुकाबले का आयोजन न्यूयॉर्क के आर्थर आशे स्टेडियम में किया गया था. | कुआला लंमपुर में 29 नवंबर से 1 दिसंबर के बीच हुआ था प्रतियोगिता का आयोजन
मुकाबले को इंडोनेशिया की टीम बिगेट्रोन आरए ने जीता
फाइनल मुकाबले के लिए तीन महीने तक क्वालिफाई मैच हुए थे | 26 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: टोयोटा मोटर कॉर्प दुनियाभर से विशेषकर जापान और यूरोप में 1,85,000 वाहन वापस मंगा रही है। इन वाहनों में पावर स्टीयरिंग में खामी है जिसे दूर करने के लिए कंपनी इन्हें वापस मंगा रही है।
हालांकि, इस समस्या के चलते किसी वाहन के दुर्घटनाग्रस्त होने की कोई खबर नहीं है।टिप्पणियां
टोयोटो के प्रवक्ता ब्रायन ल्योन्स ने बुधवार को कहा कि 1,23,000 वाहन जापान में और 46,000 वाहन यूरोप में वापस मंगाए जा रहे हैं। ये सभी वाहन अगस्त, 2010 और मार्च, 2012 के बीच बनाए गए हैं।
उन्होंने कहा कि इन वाहनों में 11,000 सुबारू त्रेजिया वाहन शामिल हैं जिनका उत्पादन जापान में ओईएम सौदे के तहत किया गया।
हालांकि, इस समस्या के चलते किसी वाहन के दुर्घटनाग्रस्त होने की कोई खबर नहीं है।टिप्पणियां
टोयोटो के प्रवक्ता ब्रायन ल्योन्स ने बुधवार को कहा कि 1,23,000 वाहन जापान में और 46,000 वाहन यूरोप में वापस मंगाए जा रहे हैं। ये सभी वाहन अगस्त, 2010 और मार्च, 2012 के बीच बनाए गए हैं।
उन्होंने कहा कि इन वाहनों में 11,000 सुबारू त्रेजिया वाहन शामिल हैं जिनका उत्पादन जापान में ओईएम सौदे के तहत किया गया।
टोयोटो के प्रवक्ता ब्रायन ल्योन्स ने बुधवार को कहा कि 1,23,000 वाहन जापान में और 46,000 वाहन यूरोप में वापस मंगाए जा रहे हैं। ये सभी वाहन अगस्त, 2010 और मार्च, 2012 के बीच बनाए गए हैं।
उन्होंने कहा कि इन वाहनों में 11,000 सुबारू त्रेजिया वाहन शामिल हैं जिनका उत्पादन जापान में ओईएम सौदे के तहत किया गया।
उन्होंने कहा कि इन वाहनों में 11,000 सुबारू त्रेजिया वाहन शामिल हैं जिनका उत्पादन जापान में ओईएम सौदे के तहत किया गया। | टोयोटो के प्रवक्ता ब्रायन ल्योन्स ने कहा कि 1,23,000 वाहन जापान में और 46,000 वाहन यूरोप में वापस मंगाए जा रहे हैं। ये सभी वाहन अगस्त, 2010 और मार्च, 2012 के बीच बनाए गए हैं। | 28 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पाकिस्तान के पूर्व कप्तान और मैच फिक्सिंग के कारण आजीवन प्रतिबंध झेल रहे सलीम मलिक ने अपनी वर्तमान राष्ट्रीय टीम की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि उसकी तुलना में नब्बे के दशक की भारतीय टीम से की।
उनके अनुसार, वह इकाई के तौर पर नहीं खेल रही है। मलिक ने कहा, दुखद बात यह है कि हमारे खिलाड़ी आज उसी तरह से खेल रहे हैं जैसे अस्सी और नब्बे के दशक में भारतीय खिलाड़ी हमारे खिलाफ खेला करते थे। उन्होंने कहा, मुझे अस्सी का दशक याद आ रहा है जब हम भारत के खिलाफ जीत रहे थे। हमें हमेशा लगता था कि उसके अधिकतर खिलाड़ी इकाई के रूप में नहीं खेल रहे हैं और वे केवल 30 या 40 रन बनाकर अगले मैच के लिये अपना स्थान सुरक्षित करने में दिलचस्पी ले रहे हैं। यही वजह थी हमारे खिलाफ उन्हें संघर्ष करना पड़ता है।टिप्पणियां
मलिक ने कहा, दुर्भाग्य से आज हम पाकिस्तान क्रिकेट में भी ऐसी स्थिति का सामना कर रहे हैं। मैंने देखा है कि हमारे अधिकतर खिलाड़ी कुछ रन बनाकर अगले मैच के लिए अपनी जगह सुरक्षित करने में दिलचस्पी दिखा रहे हैं। उन्होंने कहा, मुझे नहीं लगता कि हमारे खिलाड़ी इकाई के तौर पर प्रदर्शन कर रहे हैं। क्रिकेट टीम गेम है और सभी 11 खिलाड़ियों के प्रयास से ही आप जीत दर्ज कर सकते हो। पाकिस्तान में ऐसा नहीं हो रहा है। हम इकाई के रूप में नहीं खेल रहे हैं और मुझे नहीं लगता कि हम टीम के रूप में जीत दर्ज कर पाएंगे।
इस पूर्व कप्तान ने कहा कि इसके विपरीत भारतीय टीम इकाई के रूप में खेल रही है और उनका हर खिलाड़ी अपनी तरह से योगदान देना चाहता है। उन्होंने कहा, मैं अपने खिलाड़ियों को हतोत्साहित नहीं करना चाहता लेकिन उन्हें अपने रवैये में बदलाव लाना होगा। जिम्बाब्वे में हमारी टीम के खराब प्रदर्शन के लिए कोई बहाना नहीं बनाया जा सकता है।
उनके अनुसार, वह इकाई के तौर पर नहीं खेल रही है। मलिक ने कहा, दुखद बात यह है कि हमारे खिलाड़ी आज उसी तरह से खेल रहे हैं जैसे अस्सी और नब्बे के दशक में भारतीय खिलाड़ी हमारे खिलाफ खेला करते थे। उन्होंने कहा, मुझे अस्सी का दशक याद आ रहा है जब हम भारत के खिलाफ जीत रहे थे। हमें हमेशा लगता था कि उसके अधिकतर खिलाड़ी इकाई के रूप में नहीं खेल रहे हैं और वे केवल 30 या 40 रन बनाकर अगले मैच के लिये अपना स्थान सुरक्षित करने में दिलचस्पी ले रहे हैं। यही वजह थी हमारे खिलाफ उन्हें संघर्ष करना पड़ता है।टिप्पणियां
मलिक ने कहा, दुर्भाग्य से आज हम पाकिस्तान क्रिकेट में भी ऐसी स्थिति का सामना कर रहे हैं। मैंने देखा है कि हमारे अधिकतर खिलाड़ी कुछ रन बनाकर अगले मैच के लिए अपनी जगह सुरक्षित करने में दिलचस्पी दिखा रहे हैं। उन्होंने कहा, मुझे नहीं लगता कि हमारे खिलाड़ी इकाई के तौर पर प्रदर्शन कर रहे हैं। क्रिकेट टीम गेम है और सभी 11 खिलाड़ियों के प्रयास से ही आप जीत दर्ज कर सकते हो। पाकिस्तान में ऐसा नहीं हो रहा है। हम इकाई के रूप में नहीं खेल रहे हैं और मुझे नहीं लगता कि हम टीम के रूप में जीत दर्ज कर पाएंगे।
इस पूर्व कप्तान ने कहा कि इसके विपरीत भारतीय टीम इकाई के रूप में खेल रही है और उनका हर खिलाड़ी अपनी तरह से योगदान देना चाहता है। उन्होंने कहा, मैं अपने खिलाड़ियों को हतोत्साहित नहीं करना चाहता लेकिन उन्हें अपने रवैये में बदलाव लाना होगा। जिम्बाब्वे में हमारी टीम के खराब प्रदर्शन के लिए कोई बहाना नहीं बनाया जा सकता है।
मलिक ने कहा, दुर्भाग्य से आज हम पाकिस्तान क्रिकेट में भी ऐसी स्थिति का सामना कर रहे हैं। मैंने देखा है कि हमारे अधिकतर खिलाड़ी कुछ रन बनाकर अगले मैच के लिए अपनी जगह सुरक्षित करने में दिलचस्पी दिखा रहे हैं। उन्होंने कहा, मुझे नहीं लगता कि हमारे खिलाड़ी इकाई के तौर पर प्रदर्शन कर रहे हैं। क्रिकेट टीम गेम है और सभी 11 खिलाड़ियों के प्रयास से ही आप जीत दर्ज कर सकते हो। पाकिस्तान में ऐसा नहीं हो रहा है। हम इकाई के रूप में नहीं खेल रहे हैं और मुझे नहीं लगता कि हम टीम के रूप में जीत दर्ज कर पाएंगे।
इस पूर्व कप्तान ने कहा कि इसके विपरीत भारतीय टीम इकाई के रूप में खेल रही है और उनका हर खिलाड़ी अपनी तरह से योगदान देना चाहता है। उन्होंने कहा, मैं अपने खिलाड़ियों को हतोत्साहित नहीं करना चाहता लेकिन उन्हें अपने रवैये में बदलाव लाना होगा। जिम्बाब्वे में हमारी टीम के खराब प्रदर्शन के लिए कोई बहाना नहीं बनाया जा सकता है।
इस पूर्व कप्तान ने कहा कि इसके विपरीत भारतीय टीम इकाई के रूप में खेल रही है और उनका हर खिलाड़ी अपनी तरह से योगदान देना चाहता है। उन्होंने कहा, मैं अपने खिलाड़ियों को हतोत्साहित नहीं करना चाहता लेकिन उन्हें अपने रवैये में बदलाव लाना होगा। जिम्बाब्वे में हमारी टीम के खराब प्रदर्शन के लिए कोई बहाना नहीं बनाया जा सकता है। | यह एक सारांश है: पाकिस्तान के पूर्व कप्तान और मैच फिक्सिंग के कारण आजीवन प्रतिबंध झेल रहे सलीम मलिक ने अपनी वर्तमान राष्ट्रीय टीम की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि उसकी तुलना में नब्बे के दशक की भारतीय टीम से की। | 16 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पाकिस्तान की कोट लखपत जेल में कैद भारतीय नागरिक सरबजीत सिंह को जहर दिए जाने की खबरें आने के बाद भारतीय सरकार हरकत में आ गई है। पाकिस्तान में भारतीय हाई कमीशन ने वहां की सरकार से इजाजत मांगी है कि उन्हें जल्द से जल्द सरबजीत से मिलने दिया जाए।
भारत सरकार सरबजीत की हालत की जानकारी लेना चाहती है। विदेश राज्यमंत्री परणीत कौर ने कहा है कि भारत सरकार वह हर कदम उठाएगी, जिससे सरबजीत को मदद मिले। साथ ही पाकिस्तान से भाग कर भारत आए हिन्दू शरणार्थियों के मुद्दे पर कौर ने कहा कि शरणार्थियों की ओर से अब तक कोई भी लिखित दरख्वास्त नहीं आई है और अगर आती है तो भारत सरकार इस पर विचार करेगी।
भारत सरकार सरबजीत की हालत की जानकारी लेना चाहती है। विदेश राज्यमंत्री परणीत कौर ने कहा है कि भारत सरकार वह हर कदम उठाएगी, जिससे सरबजीत को मदद मिले। साथ ही पाकिस्तान से भाग कर भारत आए हिन्दू शरणार्थियों के मुद्दे पर कौर ने कहा कि शरणार्थियों की ओर से अब तक कोई भी लिखित दरख्वास्त नहीं आई है और अगर आती है तो भारत सरकार इस पर विचार करेगी। | पाकिस्तान में भारतीय हाई कमीशन ने वहां की सरकार से इजाजत मांगी है कि उन्हें जल्द से जल्द सरबजीत से मिलने दिया जाए। | 28 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: दिल्ली के जल मंत्री कपिल मिश्रा ने सोमवार को कहा कि उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह को एक पत्र लिखकर अपने नाम से 'फर्जी' खाते बनाकर ''सांप्रदायिक एवं जाति आधारित'' तनाव भड़काने की कोशिश करने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है.
सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय मिश्रा ने आरोप लगाया कि जिस तरह इन फर्जी खातों और पोस्ट को बढ़ावा दिया जा रहा है उससे हिंसा भड़काने की एक ''व्यवस्थित, पेशेवर और संगठित कोशिश'' का पता चलता है.
उन्होंने गृह मंत्री और दिल्ली पुलिस आयुक्त आलोक वर्मा को लिखे पत्र में कहा, ''कुछ पोस्ट इतने जहरीले हैं कि उन्हें पढ़ने और फैलाने वाले लोग मुझ पर खुलेआम हमले की धमकी दे रहे हैं.
आप नेता ने कहा, ‘‘मैं आपको पत्र लिख रहा हूं ताकि इस तरह के खाते चलाने वाले लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, जो एक संगठित तथा आपराधिक तरीके से सांप्रदायिक सद्भाव को खतरे में डाल रहे हैं.’’ टिप्पणियां
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय मिश्रा ने आरोप लगाया कि जिस तरह इन फर्जी खातों और पोस्ट को बढ़ावा दिया जा रहा है उससे हिंसा भड़काने की एक ''व्यवस्थित, पेशेवर और संगठित कोशिश'' का पता चलता है.
उन्होंने गृह मंत्री और दिल्ली पुलिस आयुक्त आलोक वर्मा को लिखे पत्र में कहा, ''कुछ पोस्ट इतने जहरीले हैं कि उन्हें पढ़ने और फैलाने वाले लोग मुझ पर खुलेआम हमले की धमकी दे रहे हैं.
आप नेता ने कहा, ‘‘मैं आपको पत्र लिख रहा हूं ताकि इस तरह के खाते चलाने वाले लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, जो एक संगठित तथा आपराधिक तरीके से सांप्रदायिक सद्भाव को खतरे में डाल रहे हैं.’’ टिप्पणियां
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
उन्होंने गृह मंत्री और दिल्ली पुलिस आयुक्त आलोक वर्मा को लिखे पत्र में कहा, ''कुछ पोस्ट इतने जहरीले हैं कि उन्हें पढ़ने और फैलाने वाले लोग मुझ पर खुलेआम हमले की धमकी दे रहे हैं.
आप नेता ने कहा, ‘‘मैं आपको पत्र लिख रहा हूं ताकि इस तरह के खाते चलाने वाले लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, जो एक संगठित तथा आपराधिक तरीके से सांप्रदायिक सद्भाव को खतरे में डाल रहे हैं.’’ टिप्पणियां
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
आप नेता ने कहा, ‘‘मैं आपको पत्र लिख रहा हूं ताकि इस तरह के खाते चलाने वाले लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, जो एक संगठित तथा आपराधिक तरीके से सांप्रदायिक सद्भाव को खतरे में डाल रहे हैं.’’ टिप्पणियां
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | कहा- लोग उनके नाम से फर्जी खाता बना रहे
तनाव भड़काने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की
सुव्यवस्थित रूप से रची जा रही साजिश | 28 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: सुपर स्टार अमिताभ बच्चन और आइफा भले ही 10 साल बाद अलग हो गए हों, लेकिन अभिनेता अनिल कपूर को नहीं लगता कि इस समारोह को किसी ब्रांड एंबेसडर की जरूरत है। बिग बी लंबे समय तक इस समारोह का चेहरा बने रहे, लेकिन दक्षिण की इंडस्ट्री के विरोध के बीच श्रीलंका में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा नहीं लेने के फैसले के बाद आइफा ने इस पद को समाप्त करने का फैसला कर लिया। अनिल ने कहा कि इस साल टोरंटो के समारोह में अमिताभ की बहुत याद आएगी, लेकिन साथ ही उन्हें लगता है कि इतना बड़ा समारोह ब्रांड एंबेसडर के बिना भी आयोजित किया जा सकता है। अनिल ने कहा, मुझे नहीं लगता कि आइफा को ब्रांड एंबेसडर की जरूरत है। यह लोगों को शिक्षित करने और उनका मनोरंजन करने का अपने आप में बहुत बड़ा मंच है। क्या आपने कभी ऑस्कर, कांस या बाफ्टा के ब्रांड एंबेसडर के बारे में सुना है। मुझे लगता है हमारी फिल्म इंडस्ट्री से जुड़ा हर व्यक्ति इसका ब्रांड एंबेसडर है। अमिताभ पहले ही ट्विट कर चुके हैं कि वह इस साल आइफ समारोह में शामिल नहीं होंगे। बिग की गैरमौजूदगी से समारोह में उनकी कमी खलने के बारे में पूछे जाने पर अनिल ने कहा, हां, बिल्कुल। उनकी कमी हमेशा खलेगी और इसे कोई पूरा नहीं कर सकता। बेशक हमें उनकी याद आएगी। | यह एक सारांश है: अमिताभ और आइफा भले ही 10 साल बाद अलग हो गए हों, लेकिन अनिल कपूर को नहीं लगता कि इस समारोह को ब्रांड एंबेसडर की जरूरत है। | 9 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: रिलायंस इंडस्ट्रीज तथा भारतीय स्टेट बैंक जैसी बड़ी कंपनियों के शेयरों में सोमवार को बिकवाली तेज हो गई थी। बावजूद इसके अंत में चुनिंदा शेयरों की लिवाली से बाजार संभल गया तथा बंबई शेयर बाजार का सेंसेक्स 2.51 अंक की गिरावट के साथ 18,266.03 अंक रहा। नेशनल स्टाक एक्सचेंज का निफ्टी भी तीन अंक गिरकर 5,482.80 अंक रह गया। सेंसेक्स में लगातार चौथी कारोबारी सत्र में गिरावट का सिलसिला जारी रहा। पेट्रोलियम नियामक द्वारा रिलायंस इंडस्ट्रीज के केजी-डी6 क्षेत्र में तीन नई गैस खोजों को खारिज करने की खबरों से 30 शेयरों वाले सेंसेक्स में सबसे ज्यादा भारांश रखने वाली कंपनी का शेयर 1.84 प्रतिशत लुढ़क गया। मई में खाद्य मुद्रास्फीति चढ़कर दो माह के शीर्ष स्तर पर पहुंच गई है। इससे भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा 16 मई को मौद्रिक नीति की समीक्षा में नीतिगत दरों में बढ़ोतरी का दबाव रहेगा। यदि ऐसा होता है, तो 15 माह में यह दसवां मौका होगा, जब केंद्रीय बैंक ब्याज दरों में वृद्धि करेगा। सेंसेक्स की कंपनियों में आरआईएल और भारतीय स्टेट बैंक के अलावा टीसीएस, टाटा स्टील, हिंडाल्को, टाटा मोटर्स और मारुति सुजुकी में भी गिरावट दर्ज हुई। हालांकि इन्फोसिस टेक्नोलाजीज ने बाजार को भारी गिरावट से बचा लिया। | यहाँ एक सारांश है:रिलायंस इंडस्ट्रीज तथा भारतीय स्टेट बैंक जैसी बड़ी कंपनियों के शेयरों में सोमवार को बिकवाली तेज हो गई थी। | 12 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: गोवा विधानसभा चुनाव के बाद तेजी से बदले सियासी घटनाक्रम में रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर ने रक्षा मंत्री के पद से इस्तीफा दे दिया है. उन्होंने प्रधानमंत्री को अपना इस्तीफा सौंप दिया है. अब वह 14 मार्च को शाम पांच बजे एक बार फिर गोवा के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे. बीजेपी को समर्थन देने वाली एमजीपी के नेता सुधीर ढवलीकर को उपमुख्यमंत्री बनाया जाएगा.
दरअसल इससे पहले गोवा की राज्यपाल मृदुला सिन्हा ने भाजपा नेता और केंद्रीय रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर को सरकार बनाने का न्योता दिया. पर्रिकर ने रविवार को ही राज्यपाल से मुलाकात कर सरकार बनाने का दावा पेश किया था. राज्यपाल ने शपथ ग्रहण के बाद 15 दिनों के भीतर पर्रिकर को बहुमत साबित करने को कहा है.
गौरतलब है कि पहले मीडिया में ऐसी खबरें आई कि पर्रिकर ने रक्षामंत्री के पद से इस्तीफा दे दिया है लेकिन बाद में नितिन गडकरी ने स्थिति स्पष्ट करते हुए बताया था कि शपथ ग्रहण की तारीख तय होने के बाद ही पर्रिकर रक्षामंत्री का पद छोड़ेंगे.
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बताया कि एमजीपी और गोवा फॉरवर्ड ने उनसे कहा कि अगर मनोहर पर्रिकर मुख्यमंत्री बनें तो वो समर्थन देने को तैयार हैं. मैंने पार्टी अध्यक्ष अमित शाह के समक्ष गोवा के विधायकों की बात रखी. उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी और संसदीय बोर्ड से चर्चा की. इस पूरे घटनाक्रम को लेकर पर्रिकर ने कहा कि पार्टी जो भी फैसला करेगी, वह उन्हें मान्य होगा और अगर गोवा में उनकी जरूरत है तो वह रक्षा मंत्री का पद छोड़ देंगे. गडकरी ने कहा कि पार्टी अध्यक्ष और संसदीय बोर्ड ने मुझे उचित निर्णय लेने का अधिकार दिया था. जब मैं 21 विधायकों के समर्थन के प्रति आश्वस्त हो गया तब राज्यपाल से मुलाकात कर सरकार बनाने दावा पेश किया गया.
रविवार शाम गोवा के नवनिर्वाचित विधायकों की बैठक में पर्रिकर को मुख्यमंत्री बनाने के फैसले पर मुहर लगी. पर्रिकर ने राज्यपाल से मुलाकात कर गोवा में सरकार बनाने का दावा भी पेश किया है. पर्रिकर ने 21 विधायकों के समर्थन का दावा किया है. विधायकों के समर्थन का पत्र लेकर केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के साथ पर्रिकर राजभवन पहुंचे.
गौरतलब है कि बीजेपी को समर्थन देने के लिए तैयार महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी (MGP) ने शर्त रखी थी कि अगर मनोहर पर्रिकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया जाएगा तभी वो समर्थन देगी.
MGP के नेता सुधीर ढवलीकर ने मीडियाकर्मियों से बातचीत में कहा था कि वे बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए तभी समर्थन दे सकते हैं जब रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर को गोवा के मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी दी जाए. MGP के 3 विधायक चुनकर आए हैं. ढवलीकर गोवा में मीडियाकर्मियों से बात कर रहे थे. उन्होंने बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह को ख़त लिखकर अपनी बात स्पष्ट कर दी थी.
गोवा में बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए 9 विधायकों की जरूरत है. ऐसे में अपने पुराने सहयोगी MGP का मिलता समर्थन नकारने का मतलब होगा कि बीजेपी सत्ता की दौड़ से दूर हो जाए. ढवलीकर के मनोहर पर्रिकर और बीजेपी से बरकरार रिश्तों में खटास तब आयी जब लक्ष्मीकांत पार्सेकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया गया. पार्सेकर द्वारा MGP के मंत्रियों के ख़िलाफ़ दिए बयान के बाद MGP ने BJP सरकार से समर्थन वापस ले लिया था. इसके बाद MGP ने शिवसेना और गोवा सुरक्षा मंच के साथ गठजोड़ कर बीजेपी को चुनौती दी. इस गठबंधन की 3 सीट पर ही जीत हुई है. उनके समर्थन से बीजेपी 13 से 16 तक तो पहुंच जाएगी.
MGP के अलावा गोवा फॉरवर्ड भी मनोहर पर्रिकर के नेतृत्व को लेकर सकारात्मक है. इस गुट के पास भी 3 विधायकों का संख्याबल है. गुट के नेता विजय सरदेसाई ने गोवा में मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस के मुकाबले पर्रिकर अच्छे व्यक्ति हैं. कांग्रेस ने गोवा फॉरवर्ड के उम्मीदवारों को प्रताड़ित किया है. ऐसे में कांग्रेस को समर्थन देना कैसे मुमकिन होगा? गोवा फॉरवर्ड के भी समर्थन से बीजेपी बहुमत के और करीब पहुंच जाएगी और उसके पास 19 विधायकों का समर्थन हो सकता है.टिप्पणियां
गोवा में अब 3 निर्दलीय विधायक हैं. इनमें रोहन खंवटे, गोविन्द गावड़े और प्रसाद गांवकर शामिल हैं. इनके रुख पर सबकी नजरें टिकी हैं. इनमें से सेव गोवा फ्रंट के प्रसाद गांवकर को बीजेपी ने समर्थन दे कर चुनाव में उतारा है और जिससे बीजेपी गठबंधन का आंकड़ा 20 तक पहुंच रहा है. जबकि बाकी बचे 2 निर्दलीयों में से रोहन खंवटे पर कांग्रेस ने अपना दांव लगाया है. गोवा प्रभारी और वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने संवाददाता सम्मेलन कर कहा कि रोहन खंवटे की कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाक़ात हो चुकी है और वे कांग्रेस के साथ रहेंगे. हालांकि, रोहन खंवटे और एनसीपी के 1-1 विधायक के समर्थन के बाद भी बीजेपी गठबंधन के मुकाबले कांग्रेस गठबंधन 1 विधायक पीछे है.
इन परिस्थितियों में सीएम बनने जा रहे मनोहर पर्रिकर को 6 महीने के भीतर गोवा विधानसभा का सदस्य बनाना होगा. जिसके लिए वर्तमान विधायक का इस्तीफ़ा जरूरी है.
दरअसल इससे पहले गोवा की राज्यपाल मृदुला सिन्हा ने भाजपा नेता और केंद्रीय रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर को सरकार बनाने का न्योता दिया. पर्रिकर ने रविवार को ही राज्यपाल से मुलाकात कर सरकार बनाने का दावा पेश किया था. राज्यपाल ने शपथ ग्रहण के बाद 15 दिनों के भीतर पर्रिकर को बहुमत साबित करने को कहा है.
गौरतलब है कि पहले मीडिया में ऐसी खबरें आई कि पर्रिकर ने रक्षामंत्री के पद से इस्तीफा दे दिया है लेकिन बाद में नितिन गडकरी ने स्थिति स्पष्ट करते हुए बताया था कि शपथ ग्रहण की तारीख तय होने के बाद ही पर्रिकर रक्षामंत्री का पद छोड़ेंगे.
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बताया कि एमजीपी और गोवा फॉरवर्ड ने उनसे कहा कि अगर मनोहर पर्रिकर मुख्यमंत्री बनें तो वो समर्थन देने को तैयार हैं. मैंने पार्टी अध्यक्ष अमित शाह के समक्ष गोवा के विधायकों की बात रखी. उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी और संसदीय बोर्ड से चर्चा की. इस पूरे घटनाक्रम को लेकर पर्रिकर ने कहा कि पार्टी जो भी फैसला करेगी, वह उन्हें मान्य होगा और अगर गोवा में उनकी जरूरत है तो वह रक्षा मंत्री का पद छोड़ देंगे. गडकरी ने कहा कि पार्टी अध्यक्ष और संसदीय बोर्ड ने मुझे उचित निर्णय लेने का अधिकार दिया था. जब मैं 21 विधायकों के समर्थन के प्रति आश्वस्त हो गया तब राज्यपाल से मुलाकात कर सरकार बनाने दावा पेश किया गया.
रविवार शाम गोवा के नवनिर्वाचित विधायकों की बैठक में पर्रिकर को मुख्यमंत्री बनाने के फैसले पर मुहर लगी. पर्रिकर ने राज्यपाल से मुलाकात कर गोवा में सरकार बनाने का दावा भी पेश किया है. पर्रिकर ने 21 विधायकों के समर्थन का दावा किया है. विधायकों के समर्थन का पत्र लेकर केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के साथ पर्रिकर राजभवन पहुंचे.
गौरतलब है कि बीजेपी को समर्थन देने के लिए तैयार महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी (MGP) ने शर्त रखी थी कि अगर मनोहर पर्रिकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया जाएगा तभी वो समर्थन देगी.
MGP के नेता सुधीर ढवलीकर ने मीडियाकर्मियों से बातचीत में कहा था कि वे बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए तभी समर्थन दे सकते हैं जब रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर को गोवा के मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी दी जाए. MGP के 3 विधायक चुनकर आए हैं. ढवलीकर गोवा में मीडियाकर्मियों से बात कर रहे थे. उन्होंने बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह को ख़त लिखकर अपनी बात स्पष्ट कर दी थी.
गोवा में बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए 9 विधायकों की जरूरत है. ऐसे में अपने पुराने सहयोगी MGP का मिलता समर्थन नकारने का मतलब होगा कि बीजेपी सत्ता की दौड़ से दूर हो जाए. ढवलीकर के मनोहर पर्रिकर और बीजेपी से बरकरार रिश्तों में खटास तब आयी जब लक्ष्मीकांत पार्सेकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया गया. पार्सेकर द्वारा MGP के मंत्रियों के ख़िलाफ़ दिए बयान के बाद MGP ने BJP सरकार से समर्थन वापस ले लिया था. इसके बाद MGP ने शिवसेना और गोवा सुरक्षा मंच के साथ गठजोड़ कर बीजेपी को चुनौती दी. इस गठबंधन की 3 सीट पर ही जीत हुई है. उनके समर्थन से बीजेपी 13 से 16 तक तो पहुंच जाएगी.
MGP के अलावा गोवा फॉरवर्ड भी मनोहर पर्रिकर के नेतृत्व को लेकर सकारात्मक है. इस गुट के पास भी 3 विधायकों का संख्याबल है. गुट के नेता विजय सरदेसाई ने गोवा में मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस के मुकाबले पर्रिकर अच्छे व्यक्ति हैं. कांग्रेस ने गोवा फॉरवर्ड के उम्मीदवारों को प्रताड़ित किया है. ऐसे में कांग्रेस को समर्थन देना कैसे मुमकिन होगा? गोवा फॉरवर्ड के भी समर्थन से बीजेपी बहुमत के और करीब पहुंच जाएगी और उसके पास 19 विधायकों का समर्थन हो सकता है.टिप्पणियां
गोवा में अब 3 निर्दलीय विधायक हैं. इनमें रोहन खंवटे, गोविन्द गावड़े और प्रसाद गांवकर शामिल हैं. इनके रुख पर सबकी नजरें टिकी हैं. इनमें से सेव गोवा फ्रंट के प्रसाद गांवकर को बीजेपी ने समर्थन दे कर चुनाव में उतारा है और जिससे बीजेपी गठबंधन का आंकड़ा 20 तक पहुंच रहा है. जबकि बाकी बचे 2 निर्दलीयों में से रोहन खंवटे पर कांग्रेस ने अपना दांव लगाया है. गोवा प्रभारी और वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने संवाददाता सम्मेलन कर कहा कि रोहन खंवटे की कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाक़ात हो चुकी है और वे कांग्रेस के साथ रहेंगे. हालांकि, रोहन खंवटे और एनसीपी के 1-1 विधायक के समर्थन के बाद भी बीजेपी गठबंधन के मुकाबले कांग्रेस गठबंधन 1 विधायक पीछे है.
इन परिस्थितियों में सीएम बनने जा रहे मनोहर पर्रिकर को 6 महीने के भीतर गोवा विधानसभा का सदस्य बनाना होगा. जिसके लिए वर्तमान विधायक का इस्तीफ़ा जरूरी है.
गौरतलब है कि पहले मीडिया में ऐसी खबरें आई कि पर्रिकर ने रक्षामंत्री के पद से इस्तीफा दे दिया है लेकिन बाद में नितिन गडकरी ने स्थिति स्पष्ट करते हुए बताया था कि शपथ ग्रहण की तारीख तय होने के बाद ही पर्रिकर रक्षामंत्री का पद छोड़ेंगे.
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बताया कि एमजीपी और गोवा फॉरवर्ड ने उनसे कहा कि अगर मनोहर पर्रिकर मुख्यमंत्री बनें तो वो समर्थन देने को तैयार हैं. मैंने पार्टी अध्यक्ष अमित शाह के समक्ष गोवा के विधायकों की बात रखी. उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी और संसदीय बोर्ड से चर्चा की. इस पूरे घटनाक्रम को लेकर पर्रिकर ने कहा कि पार्टी जो भी फैसला करेगी, वह उन्हें मान्य होगा और अगर गोवा में उनकी जरूरत है तो वह रक्षा मंत्री का पद छोड़ देंगे. गडकरी ने कहा कि पार्टी अध्यक्ष और संसदीय बोर्ड ने मुझे उचित निर्णय लेने का अधिकार दिया था. जब मैं 21 विधायकों के समर्थन के प्रति आश्वस्त हो गया तब राज्यपाल से मुलाकात कर सरकार बनाने दावा पेश किया गया.
रविवार शाम गोवा के नवनिर्वाचित विधायकों की बैठक में पर्रिकर को मुख्यमंत्री बनाने के फैसले पर मुहर लगी. पर्रिकर ने राज्यपाल से मुलाकात कर गोवा में सरकार बनाने का दावा भी पेश किया है. पर्रिकर ने 21 विधायकों के समर्थन का दावा किया है. विधायकों के समर्थन का पत्र लेकर केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के साथ पर्रिकर राजभवन पहुंचे.
गौरतलब है कि बीजेपी को समर्थन देने के लिए तैयार महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी (MGP) ने शर्त रखी थी कि अगर मनोहर पर्रिकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया जाएगा तभी वो समर्थन देगी.
MGP के नेता सुधीर ढवलीकर ने मीडियाकर्मियों से बातचीत में कहा था कि वे बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए तभी समर्थन दे सकते हैं जब रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर को गोवा के मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी दी जाए. MGP के 3 विधायक चुनकर आए हैं. ढवलीकर गोवा में मीडियाकर्मियों से बात कर रहे थे. उन्होंने बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह को ख़त लिखकर अपनी बात स्पष्ट कर दी थी.
गोवा में बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए 9 विधायकों की जरूरत है. ऐसे में अपने पुराने सहयोगी MGP का मिलता समर्थन नकारने का मतलब होगा कि बीजेपी सत्ता की दौड़ से दूर हो जाए. ढवलीकर के मनोहर पर्रिकर और बीजेपी से बरकरार रिश्तों में खटास तब आयी जब लक्ष्मीकांत पार्सेकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया गया. पार्सेकर द्वारा MGP के मंत्रियों के ख़िलाफ़ दिए बयान के बाद MGP ने BJP सरकार से समर्थन वापस ले लिया था. इसके बाद MGP ने शिवसेना और गोवा सुरक्षा मंच के साथ गठजोड़ कर बीजेपी को चुनौती दी. इस गठबंधन की 3 सीट पर ही जीत हुई है. उनके समर्थन से बीजेपी 13 से 16 तक तो पहुंच जाएगी.
MGP के अलावा गोवा फॉरवर्ड भी मनोहर पर्रिकर के नेतृत्व को लेकर सकारात्मक है. इस गुट के पास भी 3 विधायकों का संख्याबल है. गुट के नेता विजय सरदेसाई ने गोवा में मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस के मुकाबले पर्रिकर अच्छे व्यक्ति हैं. कांग्रेस ने गोवा फॉरवर्ड के उम्मीदवारों को प्रताड़ित किया है. ऐसे में कांग्रेस को समर्थन देना कैसे मुमकिन होगा? गोवा फॉरवर्ड के भी समर्थन से बीजेपी बहुमत के और करीब पहुंच जाएगी और उसके पास 19 विधायकों का समर्थन हो सकता है.टिप्पणियां
गोवा में अब 3 निर्दलीय विधायक हैं. इनमें रोहन खंवटे, गोविन्द गावड़े और प्रसाद गांवकर शामिल हैं. इनके रुख पर सबकी नजरें टिकी हैं. इनमें से सेव गोवा फ्रंट के प्रसाद गांवकर को बीजेपी ने समर्थन दे कर चुनाव में उतारा है और जिससे बीजेपी गठबंधन का आंकड़ा 20 तक पहुंच रहा है. जबकि बाकी बचे 2 निर्दलीयों में से रोहन खंवटे पर कांग्रेस ने अपना दांव लगाया है. गोवा प्रभारी और वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने संवाददाता सम्मेलन कर कहा कि रोहन खंवटे की कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाक़ात हो चुकी है और वे कांग्रेस के साथ रहेंगे. हालांकि, रोहन खंवटे और एनसीपी के 1-1 विधायक के समर्थन के बाद भी बीजेपी गठबंधन के मुकाबले कांग्रेस गठबंधन 1 विधायक पीछे है.
इन परिस्थितियों में सीएम बनने जा रहे मनोहर पर्रिकर को 6 महीने के भीतर गोवा विधानसभा का सदस्य बनाना होगा. जिसके लिए वर्तमान विधायक का इस्तीफ़ा जरूरी है.
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बताया कि एमजीपी और गोवा फॉरवर्ड ने उनसे कहा कि अगर मनोहर पर्रिकर मुख्यमंत्री बनें तो वो समर्थन देने को तैयार हैं. मैंने पार्टी अध्यक्ष अमित शाह के समक्ष गोवा के विधायकों की बात रखी. उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी और संसदीय बोर्ड से चर्चा की. इस पूरे घटनाक्रम को लेकर पर्रिकर ने कहा कि पार्टी जो भी फैसला करेगी, वह उन्हें मान्य होगा और अगर गोवा में उनकी जरूरत है तो वह रक्षा मंत्री का पद छोड़ देंगे. गडकरी ने कहा कि पार्टी अध्यक्ष और संसदीय बोर्ड ने मुझे उचित निर्णय लेने का अधिकार दिया था. जब मैं 21 विधायकों के समर्थन के प्रति आश्वस्त हो गया तब राज्यपाल से मुलाकात कर सरकार बनाने दावा पेश किया गया.
रविवार शाम गोवा के नवनिर्वाचित विधायकों की बैठक में पर्रिकर को मुख्यमंत्री बनाने के फैसले पर मुहर लगी. पर्रिकर ने राज्यपाल से मुलाकात कर गोवा में सरकार बनाने का दावा भी पेश किया है. पर्रिकर ने 21 विधायकों के समर्थन का दावा किया है. विधायकों के समर्थन का पत्र लेकर केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के साथ पर्रिकर राजभवन पहुंचे.
गौरतलब है कि बीजेपी को समर्थन देने के लिए तैयार महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी (MGP) ने शर्त रखी थी कि अगर मनोहर पर्रिकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया जाएगा तभी वो समर्थन देगी.
MGP के नेता सुधीर ढवलीकर ने मीडियाकर्मियों से बातचीत में कहा था कि वे बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए तभी समर्थन दे सकते हैं जब रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर को गोवा के मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी दी जाए. MGP के 3 विधायक चुनकर आए हैं. ढवलीकर गोवा में मीडियाकर्मियों से बात कर रहे थे. उन्होंने बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह को ख़त लिखकर अपनी बात स्पष्ट कर दी थी.
गोवा में बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए 9 विधायकों की जरूरत है. ऐसे में अपने पुराने सहयोगी MGP का मिलता समर्थन नकारने का मतलब होगा कि बीजेपी सत्ता की दौड़ से दूर हो जाए. ढवलीकर के मनोहर पर्रिकर और बीजेपी से बरकरार रिश्तों में खटास तब आयी जब लक्ष्मीकांत पार्सेकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया गया. पार्सेकर द्वारा MGP के मंत्रियों के ख़िलाफ़ दिए बयान के बाद MGP ने BJP सरकार से समर्थन वापस ले लिया था. इसके बाद MGP ने शिवसेना और गोवा सुरक्षा मंच के साथ गठजोड़ कर बीजेपी को चुनौती दी. इस गठबंधन की 3 सीट पर ही जीत हुई है. उनके समर्थन से बीजेपी 13 से 16 तक तो पहुंच जाएगी.
MGP के अलावा गोवा फॉरवर्ड भी मनोहर पर्रिकर के नेतृत्व को लेकर सकारात्मक है. इस गुट के पास भी 3 विधायकों का संख्याबल है. गुट के नेता विजय सरदेसाई ने गोवा में मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस के मुकाबले पर्रिकर अच्छे व्यक्ति हैं. कांग्रेस ने गोवा फॉरवर्ड के उम्मीदवारों को प्रताड़ित किया है. ऐसे में कांग्रेस को समर्थन देना कैसे मुमकिन होगा? गोवा फॉरवर्ड के भी समर्थन से बीजेपी बहुमत के और करीब पहुंच जाएगी और उसके पास 19 विधायकों का समर्थन हो सकता है.टिप्पणियां
गोवा में अब 3 निर्दलीय विधायक हैं. इनमें रोहन खंवटे, गोविन्द गावड़े और प्रसाद गांवकर शामिल हैं. इनके रुख पर सबकी नजरें टिकी हैं. इनमें से सेव गोवा फ्रंट के प्रसाद गांवकर को बीजेपी ने समर्थन दे कर चुनाव में उतारा है और जिससे बीजेपी गठबंधन का आंकड़ा 20 तक पहुंच रहा है. जबकि बाकी बचे 2 निर्दलीयों में से रोहन खंवटे पर कांग्रेस ने अपना दांव लगाया है. गोवा प्रभारी और वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने संवाददाता सम्मेलन कर कहा कि रोहन खंवटे की कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाक़ात हो चुकी है और वे कांग्रेस के साथ रहेंगे. हालांकि, रोहन खंवटे और एनसीपी के 1-1 विधायक के समर्थन के बाद भी बीजेपी गठबंधन के मुकाबले कांग्रेस गठबंधन 1 विधायक पीछे है.
इन परिस्थितियों में सीएम बनने जा रहे मनोहर पर्रिकर को 6 महीने के भीतर गोवा विधानसभा का सदस्य बनाना होगा. जिसके लिए वर्तमान विधायक का इस्तीफ़ा जरूरी है.
रविवार शाम गोवा के नवनिर्वाचित विधायकों की बैठक में पर्रिकर को मुख्यमंत्री बनाने के फैसले पर मुहर लगी. पर्रिकर ने राज्यपाल से मुलाकात कर गोवा में सरकार बनाने का दावा भी पेश किया है. पर्रिकर ने 21 विधायकों के समर्थन का दावा किया है. विधायकों के समर्थन का पत्र लेकर केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के साथ पर्रिकर राजभवन पहुंचे.
गौरतलब है कि बीजेपी को समर्थन देने के लिए तैयार महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी (MGP) ने शर्त रखी थी कि अगर मनोहर पर्रिकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया जाएगा तभी वो समर्थन देगी.
MGP के नेता सुधीर ढवलीकर ने मीडियाकर्मियों से बातचीत में कहा था कि वे बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए तभी समर्थन दे सकते हैं जब रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर को गोवा के मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी दी जाए. MGP के 3 विधायक चुनकर आए हैं. ढवलीकर गोवा में मीडियाकर्मियों से बात कर रहे थे. उन्होंने बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह को ख़त लिखकर अपनी बात स्पष्ट कर दी थी.
गोवा में बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए 9 विधायकों की जरूरत है. ऐसे में अपने पुराने सहयोगी MGP का मिलता समर्थन नकारने का मतलब होगा कि बीजेपी सत्ता की दौड़ से दूर हो जाए. ढवलीकर के मनोहर पर्रिकर और बीजेपी से बरकरार रिश्तों में खटास तब आयी जब लक्ष्मीकांत पार्सेकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया गया. पार्सेकर द्वारा MGP के मंत्रियों के ख़िलाफ़ दिए बयान के बाद MGP ने BJP सरकार से समर्थन वापस ले लिया था. इसके बाद MGP ने शिवसेना और गोवा सुरक्षा मंच के साथ गठजोड़ कर बीजेपी को चुनौती दी. इस गठबंधन की 3 सीट पर ही जीत हुई है. उनके समर्थन से बीजेपी 13 से 16 तक तो पहुंच जाएगी.
MGP के अलावा गोवा फॉरवर्ड भी मनोहर पर्रिकर के नेतृत्व को लेकर सकारात्मक है. इस गुट के पास भी 3 विधायकों का संख्याबल है. गुट के नेता विजय सरदेसाई ने गोवा में मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस के मुकाबले पर्रिकर अच्छे व्यक्ति हैं. कांग्रेस ने गोवा फॉरवर्ड के उम्मीदवारों को प्रताड़ित किया है. ऐसे में कांग्रेस को समर्थन देना कैसे मुमकिन होगा? गोवा फॉरवर्ड के भी समर्थन से बीजेपी बहुमत के और करीब पहुंच जाएगी और उसके पास 19 विधायकों का समर्थन हो सकता है.टिप्पणियां
गोवा में अब 3 निर्दलीय विधायक हैं. इनमें रोहन खंवटे, गोविन्द गावड़े और प्रसाद गांवकर शामिल हैं. इनके रुख पर सबकी नजरें टिकी हैं. इनमें से सेव गोवा फ्रंट के प्रसाद गांवकर को बीजेपी ने समर्थन दे कर चुनाव में उतारा है और जिससे बीजेपी गठबंधन का आंकड़ा 20 तक पहुंच रहा है. जबकि बाकी बचे 2 निर्दलीयों में से रोहन खंवटे पर कांग्रेस ने अपना दांव लगाया है. गोवा प्रभारी और वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने संवाददाता सम्मेलन कर कहा कि रोहन खंवटे की कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाक़ात हो चुकी है और वे कांग्रेस के साथ रहेंगे. हालांकि, रोहन खंवटे और एनसीपी के 1-1 विधायक के समर्थन के बाद भी बीजेपी गठबंधन के मुकाबले कांग्रेस गठबंधन 1 विधायक पीछे है.
इन परिस्थितियों में सीएम बनने जा रहे मनोहर पर्रिकर को 6 महीने के भीतर गोवा विधानसभा का सदस्य बनाना होगा. जिसके लिए वर्तमान विधायक का इस्तीफ़ा जरूरी है.
गौरतलब है कि बीजेपी को समर्थन देने के लिए तैयार महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी (MGP) ने शर्त रखी थी कि अगर मनोहर पर्रिकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया जाएगा तभी वो समर्थन देगी.
MGP के नेता सुधीर ढवलीकर ने मीडियाकर्मियों से बातचीत में कहा था कि वे बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए तभी समर्थन दे सकते हैं जब रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर को गोवा के मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी दी जाए. MGP के 3 विधायक चुनकर आए हैं. ढवलीकर गोवा में मीडियाकर्मियों से बात कर रहे थे. उन्होंने बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह को ख़त लिखकर अपनी बात स्पष्ट कर दी थी.
गोवा में बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए 9 विधायकों की जरूरत है. ऐसे में अपने पुराने सहयोगी MGP का मिलता समर्थन नकारने का मतलब होगा कि बीजेपी सत्ता की दौड़ से दूर हो जाए. ढवलीकर के मनोहर पर्रिकर और बीजेपी से बरकरार रिश्तों में खटास तब आयी जब लक्ष्मीकांत पार्सेकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया गया. पार्सेकर द्वारा MGP के मंत्रियों के ख़िलाफ़ दिए बयान के बाद MGP ने BJP सरकार से समर्थन वापस ले लिया था. इसके बाद MGP ने शिवसेना और गोवा सुरक्षा मंच के साथ गठजोड़ कर बीजेपी को चुनौती दी. इस गठबंधन की 3 सीट पर ही जीत हुई है. उनके समर्थन से बीजेपी 13 से 16 तक तो पहुंच जाएगी.
MGP के अलावा गोवा फॉरवर्ड भी मनोहर पर्रिकर के नेतृत्व को लेकर सकारात्मक है. इस गुट के पास भी 3 विधायकों का संख्याबल है. गुट के नेता विजय सरदेसाई ने गोवा में मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस के मुकाबले पर्रिकर अच्छे व्यक्ति हैं. कांग्रेस ने गोवा फॉरवर्ड के उम्मीदवारों को प्रताड़ित किया है. ऐसे में कांग्रेस को समर्थन देना कैसे मुमकिन होगा? गोवा फॉरवर्ड के भी समर्थन से बीजेपी बहुमत के और करीब पहुंच जाएगी और उसके पास 19 विधायकों का समर्थन हो सकता है.टिप्पणियां
गोवा में अब 3 निर्दलीय विधायक हैं. इनमें रोहन खंवटे, गोविन्द गावड़े और प्रसाद गांवकर शामिल हैं. इनके रुख पर सबकी नजरें टिकी हैं. इनमें से सेव गोवा फ्रंट के प्रसाद गांवकर को बीजेपी ने समर्थन दे कर चुनाव में उतारा है और जिससे बीजेपी गठबंधन का आंकड़ा 20 तक पहुंच रहा है. जबकि बाकी बचे 2 निर्दलीयों में से रोहन खंवटे पर कांग्रेस ने अपना दांव लगाया है. गोवा प्रभारी और वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने संवाददाता सम्मेलन कर कहा कि रोहन खंवटे की कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाक़ात हो चुकी है और वे कांग्रेस के साथ रहेंगे. हालांकि, रोहन खंवटे और एनसीपी के 1-1 विधायक के समर्थन के बाद भी बीजेपी गठबंधन के मुकाबले कांग्रेस गठबंधन 1 विधायक पीछे है.
इन परिस्थितियों में सीएम बनने जा रहे मनोहर पर्रिकर को 6 महीने के भीतर गोवा विधानसभा का सदस्य बनाना होगा. जिसके लिए वर्तमान विधायक का इस्तीफ़ा जरूरी है.
MGP के नेता सुधीर ढवलीकर ने मीडियाकर्मियों से बातचीत में कहा था कि वे बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए तभी समर्थन दे सकते हैं जब रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर को गोवा के मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी दी जाए. MGP के 3 विधायक चुनकर आए हैं. ढवलीकर गोवा में मीडियाकर्मियों से बात कर रहे थे. उन्होंने बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह को ख़त लिखकर अपनी बात स्पष्ट कर दी थी.
गोवा में बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए 9 विधायकों की जरूरत है. ऐसे में अपने पुराने सहयोगी MGP का मिलता समर्थन नकारने का मतलब होगा कि बीजेपी सत्ता की दौड़ से दूर हो जाए. ढवलीकर के मनोहर पर्रिकर और बीजेपी से बरकरार रिश्तों में खटास तब आयी जब लक्ष्मीकांत पार्सेकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया गया. पार्सेकर द्वारा MGP के मंत्रियों के ख़िलाफ़ दिए बयान के बाद MGP ने BJP सरकार से समर्थन वापस ले लिया था. इसके बाद MGP ने शिवसेना और गोवा सुरक्षा मंच के साथ गठजोड़ कर बीजेपी को चुनौती दी. इस गठबंधन की 3 सीट पर ही जीत हुई है. उनके समर्थन से बीजेपी 13 से 16 तक तो पहुंच जाएगी.
MGP के अलावा गोवा फॉरवर्ड भी मनोहर पर्रिकर के नेतृत्व को लेकर सकारात्मक है. इस गुट के पास भी 3 विधायकों का संख्याबल है. गुट के नेता विजय सरदेसाई ने गोवा में मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस के मुकाबले पर्रिकर अच्छे व्यक्ति हैं. कांग्रेस ने गोवा फॉरवर्ड के उम्मीदवारों को प्रताड़ित किया है. ऐसे में कांग्रेस को समर्थन देना कैसे मुमकिन होगा? गोवा फॉरवर्ड के भी समर्थन से बीजेपी बहुमत के और करीब पहुंच जाएगी और उसके पास 19 विधायकों का समर्थन हो सकता है.टिप्पणियां
गोवा में अब 3 निर्दलीय विधायक हैं. इनमें रोहन खंवटे, गोविन्द गावड़े और प्रसाद गांवकर शामिल हैं. इनके रुख पर सबकी नजरें टिकी हैं. इनमें से सेव गोवा फ्रंट के प्रसाद गांवकर को बीजेपी ने समर्थन दे कर चुनाव में उतारा है और जिससे बीजेपी गठबंधन का आंकड़ा 20 तक पहुंच रहा है. जबकि बाकी बचे 2 निर्दलीयों में से रोहन खंवटे पर कांग्रेस ने अपना दांव लगाया है. गोवा प्रभारी और वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने संवाददाता सम्मेलन कर कहा कि रोहन खंवटे की कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाक़ात हो चुकी है और वे कांग्रेस के साथ रहेंगे. हालांकि, रोहन खंवटे और एनसीपी के 1-1 विधायक के समर्थन के बाद भी बीजेपी गठबंधन के मुकाबले कांग्रेस गठबंधन 1 विधायक पीछे है.
इन परिस्थितियों में सीएम बनने जा रहे मनोहर पर्रिकर को 6 महीने के भीतर गोवा विधानसभा का सदस्य बनाना होगा. जिसके लिए वर्तमान विधायक का इस्तीफ़ा जरूरी है.
गोवा में बीजेपी को सत्ता में लाने के लिए 9 विधायकों की जरूरत है. ऐसे में अपने पुराने सहयोगी MGP का मिलता समर्थन नकारने का मतलब होगा कि बीजेपी सत्ता की दौड़ से दूर हो जाए. ढवलीकर के मनोहर पर्रिकर और बीजेपी से बरकरार रिश्तों में खटास तब आयी जब लक्ष्मीकांत पार्सेकर को गोवा का मुख्यमंत्री बनाया गया. पार्सेकर द्वारा MGP के मंत्रियों के ख़िलाफ़ दिए बयान के बाद MGP ने BJP सरकार से समर्थन वापस ले लिया था. इसके बाद MGP ने शिवसेना और गोवा सुरक्षा मंच के साथ गठजोड़ कर बीजेपी को चुनौती दी. इस गठबंधन की 3 सीट पर ही जीत हुई है. उनके समर्थन से बीजेपी 13 से 16 तक तो पहुंच जाएगी.
MGP के अलावा गोवा फॉरवर्ड भी मनोहर पर्रिकर के नेतृत्व को लेकर सकारात्मक है. इस गुट के पास भी 3 विधायकों का संख्याबल है. गुट के नेता विजय सरदेसाई ने गोवा में मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस के मुकाबले पर्रिकर अच्छे व्यक्ति हैं. कांग्रेस ने गोवा फॉरवर्ड के उम्मीदवारों को प्रताड़ित किया है. ऐसे में कांग्रेस को समर्थन देना कैसे मुमकिन होगा? गोवा फॉरवर्ड के भी समर्थन से बीजेपी बहुमत के और करीब पहुंच जाएगी और उसके पास 19 विधायकों का समर्थन हो सकता है.टिप्पणियां
गोवा में अब 3 निर्दलीय विधायक हैं. इनमें रोहन खंवटे, गोविन्द गावड़े और प्रसाद गांवकर शामिल हैं. इनके रुख पर सबकी नजरें टिकी हैं. इनमें से सेव गोवा फ्रंट के प्रसाद गांवकर को बीजेपी ने समर्थन दे कर चुनाव में उतारा है और जिससे बीजेपी गठबंधन का आंकड़ा 20 तक पहुंच रहा है. जबकि बाकी बचे 2 निर्दलीयों में से रोहन खंवटे पर कांग्रेस ने अपना दांव लगाया है. गोवा प्रभारी और वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने संवाददाता सम्मेलन कर कहा कि रोहन खंवटे की कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाक़ात हो चुकी है और वे कांग्रेस के साथ रहेंगे. हालांकि, रोहन खंवटे और एनसीपी के 1-1 विधायक के समर्थन के बाद भी बीजेपी गठबंधन के मुकाबले कांग्रेस गठबंधन 1 विधायक पीछे है.
इन परिस्थितियों में सीएम बनने जा रहे मनोहर पर्रिकर को 6 महीने के भीतर गोवा विधानसभा का सदस्य बनाना होगा. जिसके लिए वर्तमान विधायक का इस्तीफ़ा जरूरी है.
MGP के अलावा गोवा फॉरवर्ड भी मनोहर पर्रिकर के नेतृत्व को लेकर सकारात्मक है. इस गुट के पास भी 3 विधायकों का संख्याबल है. गुट के नेता विजय सरदेसाई ने गोवा में मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस के मुकाबले पर्रिकर अच्छे व्यक्ति हैं. कांग्रेस ने गोवा फॉरवर्ड के उम्मीदवारों को प्रताड़ित किया है. ऐसे में कांग्रेस को समर्थन देना कैसे मुमकिन होगा? गोवा फॉरवर्ड के भी समर्थन से बीजेपी बहुमत के और करीब पहुंच जाएगी और उसके पास 19 विधायकों का समर्थन हो सकता है.टिप्पणियां
गोवा में अब 3 निर्दलीय विधायक हैं. इनमें रोहन खंवटे, गोविन्द गावड़े और प्रसाद गांवकर शामिल हैं. इनके रुख पर सबकी नजरें टिकी हैं. इनमें से सेव गोवा फ्रंट के प्रसाद गांवकर को बीजेपी ने समर्थन दे कर चुनाव में उतारा है और जिससे बीजेपी गठबंधन का आंकड़ा 20 तक पहुंच रहा है. जबकि बाकी बचे 2 निर्दलीयों में से रोहन खंवटे पर कांग्रेस ने अपना दांव लगाया है. गोवा प्रभारी और वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने संवाददाता सम्मेलन कर कहा कि रोहन खंवटे की कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाक़ात हो चुकी है और वे कांग्रेस के साथ रहेंगे. हालांकि, रोहन खंवटे और एनसीपी के 1-1 विधायक के समर्थन के बाद भी बीजेपी गठबंधन के मुकाबले कांग्रेस गठबंधन 1 विधायक पीछे है.
इन परिस्थितियों में सीएम बनने जा रहे मनोहर पर्रिकर को 6 महीने के भीतर गोवा विधानसभा का सदस्य बनाना होगा. जिसके लिए वर्तमान विधायक का इस्तीफ़ा जरूरी है.
गोवा में अब 3 निर्दलीय विधायक हैं. इनमें रोहन खंवटे, गोविन्द गावड़े और प्रसाद गांवकर शामिल हैं. इनके रुख पर सबकी नजरें टिकी हैं. इनमें से सेव गोवा फ्रंट के प्रसाद गांवकर को बीजेपी ने समर्थन दे कर चुनाव में उतारा है और जिससे बीजेपी गठबंधन का आंकड़ा 20 तक पहुंच रहा है. जबकि बाकी बचे 2 निर्दलीयों में से रोहन खंवटे पर कांग्रेस ने अपना दांव लगाया है. गोवा प्रभारी और वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने संवाददाता सम्मेलन कर कहा कि रोहन खंवटे की कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाक़ात हो चुकी है और वे कांग्रेस के साथ रहेंगे. हालांकि, रोहन खंवटे और एनसीपी के 1-1 विधायक के समर्थन के बाद भी बीजेपी गठबंधन के मुकाबले कांग्रेस गठबंधन 1 विधायक पीछे है.
इन परिस्थितियों में सीएम बनने जा रहे मनोहर पर्रिकर को 6 महीने के भीतर गोवा विधानसभा का सदस्य बनाना होगा. जिसके लिए वर्तमान विधायक का इस्तीफ़ा जरूरी है.
इन परिस्थितियों में सीएम बनने जा रहे मनोहर पर्रिकर को 6 महीने के भीतर गोवा विधानसभा का सदस्य बनाना होगा. जिसके लिए वर्तमान विधायक का इस्तीफ़ा जरूरी है. | संक्षिप्त पाठ: एमजीपी ने कहा कि हम तभी समर्थन देंगे जब पर्रिकर गोवा के सीएम बनेंगे
एमजीपी के पास 3 विधायक है, बीजेपी को चाहिए 9 विधायक
पार्सेकर के समय एमजीपी ने बीजेपी सरकार से समर्थन वापस लिया था | 27 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: जहां तक सवाल कोलकाता पुलिस कमिश्नर का कहना तो विराग गुप्ता का कहना है कि कानून के अनुसार दस्तावेज़ और साक्ष्यों को SIT के जांच अधिकारी द्वारा CBI के जांच अधिकारी को सौंपा जाना चाहिए. आपको बता दें कि राजीव कुमार अप्रैल, 2013 में राज्य सरकार द्वारा गठित SIT के मुखिया थे, जिसके बाद 2014 में CBI को जांच सौंप दी गई. लैपटॉप, मोबाइल, पेन ड्राइव, डायरी और कुछ दस्तावेज़ कथित तौर पर SIT द्वारा CBI को नहीं सौंपे गए हैं. CBI के संयुक्त निदेशक के अनुसार चार समन जारी होने के बावजूद पुलिस कमिश्नर राजीव कुमार द्वारा जांच में सहयोग नहीं किया जा रहा. सुप्रीम कोर्ट में दायर अर्ज़ी के अनुसार राजीव कुमार के सरेंडर करने की मांग की गई है.
आपको बता दें कि शारदा चिटफंड घोटाला मामले में तृणमूल कांग्रेस के कई नेता जेल में जा चुके हैं. बीजेपी नेता रविशंकर प्रसाद ने कहा कि ममता बनर्जी ने सुदीप बंदोपाध्याय, मदन मित्रा की गिरफ्तारी पर खामोश रहीं लेकिन इस पुलिस कमिश्नर को लेकर वह धरने पर बैठ गईं, यह संदेहास्पद है. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: सीबीआई और कोलकाता पुलिस में भिड़ंत
सीबीआई की टीम को लिया गया था हिरासत में
पुलिस कमिश्नर से करने गई थी पूछताछ | 3 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: वरिष्ठ आरएसएस नेता जगदीश गगनेजा का गुरुवार की सुबह लुधियाना के एक अस्पताल में निधन हो गया. अगस्त में कुछ अज्ञात हमलावरों ने जालंधर में उन्हें गोली मार दी थी. रिटायर्ड ब्रिगेडियर गगनेजा को इसी साल 6 अगस्त को जालंधर के एक भीड़ भाड़ वाले बाजार में दो बाइक सवार नकबपोश बदमाशों ने गोली मारकर घायल कर दिया था. अगले दिन उन्हें गंभीर हालत में लुधियाना के अस्पताल में भर्ती कराया गया था.टिप्पणियां
संघ की पंजाब ईकाई के उपाध्यक्ष की हत्या के मामले में पुलिस कोई सुराग निकाल पाने में विफल रही थी, जिसके बाद मामला हाल ही में सीबीआई को सौंप दिया गया था. गगनेजा के परिवार के सदस्यों के अलावा संघ और भाजपा के कई वरिष्ठ नेता श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए अस्पताल में मौजूद थे जिनमें फूलचंद जैन, अनिल सरीन , पुलिस आयुक्त जतिन्दर सिंह औलख तथा लुधियाना जिले के एडीसी डॉ ऋषि पाल भी शामिल थे. (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
संघ की पंजाब ईकाई के उपाध्यक्ष की हत्या के मामले में पुलिस कोई सुराग निकाल पाने में विफल रही थी, जिसके बाद मामला हाल ही में सीबीआई को सौंप दिया गया था. गगनेजा के परिवार के सदस्यों के अलावा संघ और भाजपा के कई वरिष्ठ नेता श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए अस्पताल में मौजूद थे जिनमें फूलचंद जैन, अनिल सरीन , पुलिस आयुक्त जतिन्दर सिंह औलख तथा लुधियाना जिले के एडीसी डॉ ऋषि पाल भी शामिल थे. (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: आरएसएस नेता जगदीश गगनेजा का लुधियाना में निधन
इस साल अगस्त महीने में अज्ञात हमलावरों ने गोली मार दी थी
मामले की जांच सीबीआई के सुपुर्द कर दी गई थी | 32 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: अमेरिकी रक्षा विभाग के मुख्यालय पेंटागन ने कहा है कि पिछले साल नवंबर में पाकिस्तान की ओर से नाटो का आपूर्ति मार्ग बंद किए जाने से अमेरिका को अपनी सेना तक सामग्री पहुंचाने के लिए पहले के मुकाबले छह गुना अधिक खर्च करना पड़ रहा है।टिप्पणियां
पेंटागन ने जो आंकड़ा जारी किया है, उसके मुताबिक आपूर्ति का रास्ता बदलने से अमेरिका को प्रति महीने 10.4 करोड़ डॉलर खर्च करना पड़ रहा है। पाकिस्तान के रास्ते का इस्तेमाल करते समय इससे 8.7 करोड़ डॉलर प्रति माह कम खर्च करने पड़ते थे।
अमेरिका के ड्रोन हमले की प्रतिक्रिया में पाकिस्तान की सरकार ने नाटो की आपूर्ति पर पाबंदी लगा दी थी।
पेंटागन ने जो आंकड़ा जारी किया है, उसके मुताबिक आपूर्ति का रास्ता बदलने से अमेरिका को प्रति महीने 10.4 करोड़ डॉलर खर्च करना पड़ रहा है। पाकिस्तान के रास्ते का इस्तेमाल करते समय इससे 8.7 करोड़ डॉलर प्रति माह कम खर्च करने पड़ते थे।
अमेरिका के ड्रोन हमले की प्रतिक्रिया में पाकिस्तान की सरकार ने नाटो की आपूर्ति पर पाबंदी लगा दी थी।
अमेरिका के ड्रोन हमले की प्रतिक्रिया में पाकिस्तान की सरकार ने नाटो की आपूर्ति पर पाबंदी लगा दी थी। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: पाकिस्तान की ओर से नाटो का आपूर्ति मार्ग बंद किए जाने से अमेरिका को अपनी सेना तक सामग्री पहुंचाने के लिए पहले के मुकाबले छह गुना अधिक खर्च करना पड़ रहा है। | 19 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: सेवाकर विभाग ने संकटग्रस्त विमानन कंपनी किंगफिशर एयरलाइंस के 40 बैंक खाते पर रोक लगा दी। किंगफिशर द्वारा 40 करोड़ रुपये के बकाया कर का भुगतान नहीं करने के बाद विभाग ने यह कदम उठाया। सेवाकर आयुक्त एसके सोलंकी ने कहा कि गुरुवार और शुक्रवार को हमने किंगफिशर एयरलाइंस के 40 बैंक खातों पर रोक लगा दी।
कंपनी 29 फरवरी की तय समयसीमा के भीतर भुगतान नहीं कर पाई। विमानन कंपनी को सेवा कर विभाग को 40 करोड़ रुपये के बकाए का भुगतान करना है। पिछले चार महीने में यह चौथा मौका है, जबकि सेवाकर विभाग ने किंगफिशर के बैंक खाते पर रोक लगाई। पिछले महीने आयकर विभाग ने भी टीडीएस जमा नहीं करने पर बैंक खातों पर रोक लगा दी थी। यह पूछने पर कि क्या विमानन कंपनी ने विभाग से संपर्क किया है, उन्होंने कहा ‘‘शनिवार होने के कारण अब तक तो नहीं। हमें उम्मीद है कि सोमवार को कंपनी संपर्क करेगी।’’टिप्पणियां
कंपनी को वायदे के मुताबिक 29 फरवरी तक 20 करोड़ रुपए का भुगतान करना था। हालांकि, किंगफिशर के प्रवक्ता से बात नहीं हो सकी। विमानन कंपनी को 29 फरवरी तक आंशिक भुगतान और 31 मार्च तक 70 करोड़ रुपए के पूरे बकाये का भुगतान करने के लिए समय दिया गया था।
सोलंकी ने कहा कि पहली बार कंपनी के खाते पर नवंबर शुरूआत में रोक लगाई गई थी, तब से कंपनी ने 30 करोड़ रुपये से कुछ अधिक का ही भुगतान किया है। बैंक खातों पर रोक के बाद कंपनी ने दिसंबर में 10 करोड़ रुपये का भुगतान किया, जबकि जनवरी में 20 करोड़ रुपये का भुगतान किया और फरवरी में उन्होंने 20 करोड़ रुपये का भुगतान करने का वादा किया था।
कंपनी 29 फरवरी की तय समयसीमा के भीतर भुगतान नहीं कर पाई। विमानन कंपनी को सेवा कर विभाग को 40 करोड़ रुपये के बकाए का भुगतान करना है। पिछले चार महीने में यह चौथा मौका है, जबकि सेवाकर विभाग ने किंगफिशर के बैंक खाते पर रोक लगाई। पिछले महीने आयकर विभाग ने भी टीडीएस जमा नहीं करने पर बैंक खातों पर रोक लगा दी थी। यह पूछने पर कि क्या विमानन कंपनी ने विभाग से संपर्क किया है, उन्होंने कहा ‘‘शनिवार होने के कारण अब तक तो नहीं। हमें उम्मीद है कि सोमवार को कंपनी संपर्क करेगी।’’टिप्पणियां
कंपनी को वायदे के मुताबिक 29 फरवरी तक 20 करोड़ रुपए का भुगतान करना था। हालांकि, किंगफिशर के प्रवक्ता से बात नहीं हो सकी। विमानन कंपनी को 29 फरवरी तक आंशिक भुगतान और 31 मार्च तक 70 करोड़ रुपए के पूरे बकाये का भुगतान करने के लिए समय दिया गया था।
सोलंकी ने कहा कि पहली बार कंपनी के खाते पर नवंबर शुरूआत में रोक लगाई गई थी, तब से कंपनी ने 30 करोड़ रुपये से कुछ अधिक का ही भुगतान किया है। बैंक खातों पर रोक के बाद कंपनी ने दिसंबर में 10 करोड़ रुपये का भुगतान किया, जबकि जनवरी में 20 करोड़ रुपये का भुगतान किया और फरवरी में उन्होंने 20 करोड़ रुपये का भुगतान करने का वादा किया था।
कंपनी को वायदे के मुताबिक 29 फरवरी तक 20 करोड़ रुपए का भुगतान करना था। हालांकि, किंगफिशर के प्रवक्ता से बात नहीं हो सकी। विमानन कंपनी को 29 फरवरी तक आंशिक भुगतान और 31 मार्च तक 70 करोड़ रुपए के पूरे बकाये का भुगतान करने के लिए समय दिया गया था।
सोलंकी ने कहा कि पहली बार कंपनी के खाते पर नवंबर शुरूआत में रोक लगाई गई थी, तब से कंपनी ने 30 करोड़ रुपये से कुछ अधिक का ही भुगतान किया है। बैंक खातों पर रोक के बाद कंपनी ने दिसंबर में 10 करोड़ रुपये का भुगतान किया, जबकि जनवरी में 20 करोड़ रुपये का भुगतान किया और फरवरी में उन्होंने 20 करोड़ रुपये का भुगतान करने का वादा किया था।
सोलंकी ने कहा कि पहली बार कंपनी के खाते पर नवंबर शुरूआत में रोक लगाई गई थी, तब से कंपनी ने 30 करोड़ रुपये से कुछ अधिक का ही भुगतान किया है। बैंक खातों पर रोक के बाद कंपनी ने दिसंबर में 10 करोड़ रुपये का भुगतान किया, जबकि जनवरी में 20 करोड़ रुपये का भुगतान किया और फरवरी में उन्होंने 20 करोड़ रुपये का भुगतान करने का वादा किया था। | सारांश: सेवाकर विभाग ने किंगफिशर एयरलाइंस के 40 बैंक खाते पर रोक लगा दी। किंगफिशर द्वारा 40 करोड़ के बकाया कर का भुगतान नहीं करने के बाद विभाग ने यह कदम उठाया। | 31 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: उत्तराखंड में अगला सीएम कौन होगा इसको लेकर अभी भी माथापच्ची जारी है। इस मसले पर प्रदेश प्रभारी बिरेंद्र सिंह और गुलाम नबी आजाद ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से दिल्ली में मुलाकात की।
पर्यवेक्षक के तौर पर उत्तराखंड गए कांग्रेसी नेता गुलाम नबी आजाद ने कहा कि उत्तराखंड में अगला सीएम कौन होगा इसका फैसला अगले दो दिन में ले लिया जाएगा।टिप्पणियां
आजाद ने यह बयान देहरादून में दिया। आजाद दिल्ली में है और उन्होने पर्यवेक्षक के तौर पर रिपोर्ट दे दी है।
कांग्रेस ने उत्तराखंड में सरकार बनाने का दावा पेश कर दिया है। सदन में कांग्रेस के 32 विधायक चुन कर आए हैं और उसने दावा किया है कि उसे 3 निर्दलीय और एक यूकेडी के विधायक का समर्थन मिला हुआ है।
पर्यवेक्षक के तौर पर उत्तराखंड गए कांग्रेसी नेता गुलाम नबी आजाद ने कहा कि उत्तराखंड में अगला सीएम कौन होगा इसका फैसला अगले दो दिन में ले लिया जाएगा।टिप्पणियां
आजाद ने यह बयान देहरादून में दिया। आजाद दिल्ली में है और उन्होने पर्यवेक्षक के तौर पर रिपोर्ट दे दी है।
कांग्रेस ने उत्तराखंड में सरकार बनाने का दावा पेश कर दिया है। सदन में कांग्रेस के 32 विधायक चुन कर आए हैं और उसने दावा किया है कि उसे 3 निर्दलीय और एक यूकेडी के विधायक का समर्थन मिला हुआ है।
आजाद ने यह बयान देहरादून में दिया। आजाद दिल्ली में है और उन्होने पर्यवेक्षक के तौर पर रिपोर्ट दे दी है।
कांग्रेस ने उत्तराखंड में सरकार बनाने का दावा पेश कर दिया है। सदन में कांग्रेस के 32 विधायक चुन कर आए हैं और उसने दावा किया है कि उसे 3 निर्दलीय और एक यूकेडी के विधायक का समर्थन मिला हुआ है।
कांग्रेस ने उत्तराखंड में सरकार बनाने का दावा पेश कर दिया है। सदन में कांग्रेस के 32 विधायक चुन कर आए हैं और उसने दावा किया है कि उसे 3 निर्दलीय और एक यूकेडी के विधायक का समर्थन मिला हुआ है। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: उत्तराखंड में अगला सीएम कौन होगा इसको लेकर अभी भी माथापच्ची जारी है। इस मसले पर प्रदेश प्रभारी बिरेंद्र सिंह और गुलाम नबी आजाद ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से दिल्ली में मुलाकात की। | 19 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: टेस्ट कैरियर की शुरुआत आमतौर पर भले ही नर्वस करने वाली रहती हो लेकिन भारत के तेज गेंदबाज प्रवीण कुमार के साथ ऐसा नहीं हुआ। उनका कहना है कि वेस्टइंडीज के खिलाफ यहां अपने जीवन के पहले टेस्ट में उन्हें कभी नहीं लगा कि यह उनका पदार्पण टेस्ट है। प्रवीण ने वेस्टइंडीज के खिलाफ श्रृंखला के पहले टेस्ट की पहली पारी में 38 रन देकर तीन विकेट झटके जिससे मेजबान टीम पहली पारी में 173 रन पर आउट हुई। भारत ने दूसरी पारी में तीन विकेट के नुकसान पर 91 रन बनाए जिससे मेहमानों की कुल बढत 164 रन की हो गई है। प्रवीण के लिए हालांकि यह मैच यादगार नहीं रहा क्योंकि पिच पर दौड़ने की वजह से अंपायर ने उन्हें गेंदबाजी से रोक दिया। अंपायर डारेल हार्पर ने प्रवीण को उनके 18वें ओवर में गेंदबाजी से रोका। इस तेज गेंदबाज ने दूसरे दिन का खेल समाप्त होने के बाद कल यहां कहा, यह पहली बार हुआ है। मेरे साथ यह कभी नहीं हुआ। किसी ने कभी मुझसे (किसी मैच में) ऐसे नहीं कहा। एक तरह से अच्छा है कि मुझे अपने पहले ही टेस्ट में यह बात पता चल गई, अब मैं इस पर काम कर सकता हूं। प्रवीण को अंपायर की ओर से दो बार चेतावनी मिलने के बावजूद उन्होंने यह गलती तीसरा बार की जिसके बाद उन्हें पहली पारी में गेंदबाजी से रोक दिया गया। इस गेंदबाज ने कहा, मैं अच्छी गेंदबाजी कर रहा था और मेरा ध्यान पिच पर पड़ने वाले पैरों की बजाय बल्लेबाजों पर था। मुझे याद ही नहीं रहा कि मुझे दो बार चेतावनी मिल चुकी है। उत्तर प्रदेश के इस गेंदबाज ने कहा कि उन्होंने अपने पहले टेस्ट मैच में गेंदबाजी का भरपूर आनंद उठाया। उन्होंने कहा, सच बताऊं तो मुझे कभी नहीं लगा कि मैं अपना पहला टेस्ट खेल रहा हूं। मैं पूरा आनंद उठा रहा था और गेंद दोनों ओर स्विंग कर रही थी। प्रवीण ने कहा कि वह खुद को भाग्यशाली समझते हैं कि केवल दो ओवर बाद उन्होंने लय हासिल कर ली। उन्होंने कहा, इस गर्मी में यह महत्वपूर्ण था कि मैंने जल्दी लय हासिल कर ली। सौभाग्य से मैंने केवल दो ओवर बाद लय हासिल कर ली। | यह एक सारांश है: टेस्ट कैरियर की शुरुआत आमतौर पर भले ही नर्वस करने वाली रहती हो लेकिन भारत के तेज गेंदबाज प्रवीण कुमार के साथ ऐसा नहीं हुआ। | 16 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में लाइन ऑफ कंट्रोल के पास पिछले चार महीनों में 55 आतंकी शिविर बन गए हैं और यहां से लगातार पाकिस्तान जम्मू-कश्मीर में आतंकी भेज रहा है. ये आंकलन केंद्रीय गृह मंत्रालय का है.
यही नहीं, पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में आतंकी कैंपों में भी इज़ाफ़ा हुआ है. पिछले चार महीनों में क़रीब 20 कैंप बनाए गए हैं. यानी अब सीमा के उस पार 55 कैंप सक्रिय हैं.
जब भारत द्वारा सर्जिकल स्ट्राइक की गई थी, तब दावा किया गया था कि भारतीय सेना के जवानों ने आतंकियों के कई लॉन्च पैड्स तबाह कर दिए हैं, लेकिन ताज़ा इंटेलिजेंस रिपोर्ट के मुताबिक़, जो टूटे हुए कैंप थे, उन्हें ठीक करवा लिया गया है. कुछ नए कैंप भी बन गए हैं. सर्जिकल स्ट्राइक से पहले मंत्रालय के आकड़ों के मुताबिक़, एलओसी के पार 36 कैंप थे.टिप्पणियां
एक वरिष्ठ अधिकारी ने एनडीटीवी से कहा, "ये सभी कैंप ऐक्टिव हैं और यहां से घाटी की तरफ से और जम्मू की नियंत्रण रेखा से आतंकी भारत लगातार भेजे जा रहे हैं".
उनके मुताबिक़, 2017 के पहले चार महीनो में इसी वजह से घुसपैठ में भी इज़ाफ़ा हुआ है. 30 अप्रैल तक 60 आतंकियों ने घुसपैठ की कोशिश की, जिसमें से 15 कामयाब रहे है. बाकी मारे गए या वापस चले गए. इंटेलिजेंस रिपोर्ट्स के मुताबिक़, फ़िलहाल घाटी में 160 आतंकी सक्रिय हैं, जो चैटर कैच हो रहा है, उसके मुताबिक़ पाकिस्तान में बैठे इन आतंकियों के हैंडलर लगातार इन्हें निर्देश दे रहे हैं कि घाटी में वारदातें करते रहें और एलओसी को ऐक्टिव रखें. कृष्णाघाटी और उससे पहले सेना के शिविर पर हुआ हमला उसी का हिस्सा थे. ये भी सामने आया है कि राज्य की राजधानी 8 मई को श्रीनगर में शिफ़्ट हो रही है, इसीलिए अपने आतंकियों को भी वो उकसा कर रहे हैं.
यही नहीं, पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में आतंकी कैंपों में भी इज़ाफ़ा हुआ है. पिछले चार महीनों में क़रीब 20 कैंप बनाए गए हैं. यानी अब सीमा के उस पार 55 कैंप सक्रिय हैं.
जब भारत द्वारा सर्जिकल स्ट्राइक की गई थी, तब दावा किया गया था कि भारतीय सेना के जवानों ने आतंकियों के कई लॉन्च पैड्स तबाह कर दिए हैं, लेकिन ताज़ा इंटेलिजेंस रिपोर्ट के मुताबिक़, जो टूटे हुए कैंप थे, उन्हें ठीक करवा लिया गया है. कुछ नए कैंप भी बन गए हैं. सर्जिकल स्ट्राइक से पहले मंत्रालय के आकड़ों के मुताबिक़, एलओसी के पार 36 कैंप थे.टिप्पणियां
एक वरिष्ठ अधिकारी ने एनडीटीवी से कहा, "ये सभी कैंप ऐक्टिव हैं और यहां से घाटी की तरफ से और जम्मू की नियंत्रण रेखा से आतंकी भारत लगातार भेजे जा रहे हैं".
उनके मुताबिक़, 2017 के पहले चार महीनो में इसी वजह से घुसपैठ में भी इज़ाफ़ा हुआ है. 30 अप्रैल तक 60 आतंकियों ने घुसपैठ की कोशिश की, जिसमें से 15 कामयाब रहे है. बाकी मारे गए या वापस चले गए. इंटेलिजेंस रिपोर्ट्स के मुताबिक़, फ़िलहाल घाटी में 160 आतंकी सक्रिय हैं, जो चैटर कैच हो रहा है, उसके मुताबिक़ पाकिस्तान में बैठे इन आतंकियों के हैंडलर लगातार इन्हें निर्देश दे रहे हैं कि घाटी में वारदातें करते रहें और एलओसी को ऐक्टिव रखें. कृष्णाघाटी और उससे पहले सेना के शिविर पर हुआ हमला उसी का हिस्सा थे. ये भी सामने आया है कि राज्य की राजधानी 8 मई को श्रीनगर में शिफ़्ट हो रही है, इसीलिए अपने आतंकियों को भी वो उकसा कर रहे हैं.
जब भारत द्वारा सर्जिकल स्ट्राइक की गई थी, तब दावा किया गया था कि भारतीय सेना के जवानों ने आतंकियों के कई लॉन्च पैड्स तबाह कर दिए हैं, लेकिन ताज़ा इंटेलिजेंस रिपोर्ट के मुताबिक़, जो टूटे हुए कैंप थे, उन्हें ठीक करवा लिया गया है. कुछ नए कैंप भी बन गए हैं. सर्जिकल स्ट्राइक से पहले मंत्रालय के आकड़ों के मुताबिक़, एलओसी के पार 36 कैंप थे.टिप्पणियां
एक वरिष्ठ अधिकारी ने एनडीटीवी से कहा, "ये सभी कैंप ऐक्टिव हैं और यहां से घाटी की तरफ से और जम्मू की नियंत्रण रेखा से आतंकी भारत लगातार भेजे जा रहे हैं".
उनके मुताबिक़, 2017 के पहले चार महीनो में इसी वजह से घुसपैठ में भी इज़ाफ़ा हुआ है. 30 अप्रैल तक 60 आतंकियों ने घुसपैठ की कोशिश की, जिसमें से 15 कामयाब रहे है. बाकी मारे गए या वापस चले गए. इंटेलिजेंस रिपोर्ट्स के मुताबिक़, फ़िलहाल घाटी में 160 आतंकी सक्रिय हैं, जो चैटर कैच हो रहा है, उसके मुताबिक़ पाकिस्तान में बैठे इन आतंकियों के हैंडलर लगातार इन्हें निर्देश दे रहे हैं कि घाटी में वारदातें करते रहें और एलओसी को ऐक्टिव रखें. कृष्णाघाटी और उससे पहले सेना के शिविर पर हुआ हमला उसी का हिस्सा थे. ये भी सामने आया है कि राज्य की राजधानी 8 मई को श्रीनगर में शिफ़्ट हो रही है, इसीलिए अपने आतंकियों को भी वो उकसा कर रहे हैं.
एक वरिष्ठ अधिकारी ने एनडीटीवी से कहा, "ये सभी कैंप ऐक्टिव हैं और यहां से घाटी की तरफ से और जम्मू की नियंत्रण रेखा से आतंकी भारत लगातार भेजे जा रहे हैं".
उनके मुताबिक़, 2017 के पहले चार महीनो में इसी वजह से घुसपैठ में भी इज़ाफ़ा हुआ है. 30 अप्रैल तक 60 आतंकियों ने घुसपैठ की कोशिश की, जिसमें से 15 कामयाब रहे है. बाकी मारे गए या वापस चले गए. इंटेलिजेंस रिपोर्ट्स के मुताबिक़, फ़िलहाल घाटी में 160 आतंकी सक्रिय हैं, जो चैटर कैच हो रहा है, उसके मुताबिक़ पाकिस्तान में बैठे इन आतंकियों के हैंडलर लगातार इन्हें निर्देश दे रहे हैं कि घाटी में वारदातें करते रहें और एलओसी को ऐक्टिव रखें. कृष्णाघाटी और उससे पहले सेना के शिविर पर हुआ हमला उसी का हिस्सा थे. ये भी सामने आया है कि राज्य की राजधानी 8 मई को श्रीनगर में शिफ़्ट हो रही है, इसीलिए अपने आतंकियों को भी वो उकसा कर रहे हैं.
उनके मुताबिक़, 2017 के पहले चार महीनो में इसी वजह से घुसपैठ में भी इज़ाफ़ा हुआ है. 30 अप्रैल तक 60 आतंकियों ने घुसपैठ की कोशिश की, जिसमें से 15 कामयाब रहे है. बाकी मारे गए या वापस चले गए. इंटेलिजेंस रिपोर्ट्स के मुताबिक़, फ़िलहाल घाटी में 160 आतंकी सक्रिय हैं, जो चैटर कैच हो रहा है, उसके मुताबिक़ पाकिस्तान में बैठे इन आतंकियों के हैंडलर लगातार इन्हें निर्देश दे रहे हैं कि घाटी में वारदातें करते रहें और एलओसी को ऐक्टिव रखें. कृष्णाघाटी और उससे पहले सेना के शिविर पर हुआ हमला उसी का हिस्सा थे. ये भी सामने आया है कि राज्य की राजधानी 8 मई को श्रीनगर में शिफ़्ट हो रही है, इसीलिए अपने आतंकियों को भी वो उकसा कर रहे हैं. | केंद्रीय गृह मंत्रालय ने अपने आंकलन में यह जानकारी दी है.
पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में आतंकी कैंपों में भी इज़ाफ़ा हुआ है.
पिछले चार महीनों में क़रीब 20 कैंप बनाए गए हैं. | 6 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: वर्ल्ड कप जीतने के बाद टीम इंडिया के कई नामी क्रिकेटरों ने अपने एड रेट बढ़ा दिए हैं। इनमें कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी, सचिन तेंदुलकर, युवराज सिंह और वीरेन्द्र सहवाग शामिल हैं। विज्ञापन इंडस्ट्री से जुड़े सूत्रों के मुताबिक सबसे ज्यादा रेट सचिन तेंदुलकर ने बढ़ाए हैं। वर्ल्ड कप से पहले एक विज्ञापन के लिए जहां वो 4 से 5 करोड़ लेते थे अब वर्ल्ड कप जीतने के बाद 8 से 10 करोड़ की मांग कर रहे हैं। इसके बाद कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी का नाम आता है जो वर्ल्ड कप से पहले 5 से 6 करोड़ लेते थे लेकिन अब उनका रेट 8 से 10 करोड़ हो गया है। वर्ल्ड कप में लगातार चार मैचों में मैन ऑफ़ द मैच बनने के बाद युवराज सिंह की मांग भी बढ़ गई है। पहले वो ढाई करोड़ लेते थे लेकिन अब पांच करोड़ मांग रहे हैं। वीरेन्द्र सहवाग पहले दो करोड़ लेते थे लेकिन अब उनका विज्ञापन रेट 3 से 4 करोड़ रुपये हो गया है। ऐसे में कई कंपनियां आईपीएल के उन खिलाड़ियों को तरजीह दे रही हैं जिनका ब्रांड वैल्यू तो काफी अच्छा है लेकिन एड रेट कम। | संक्षिप्त सारांश: वर्ल्ड कप जीतने के बाद टीम इंडिया के कई नामी क्रिकेटरों ने अपने एड रेट बढ़ा दिए हैं। इनमें धोनी, सचिन व सहवाग के नाम शामिल हैं। | 23 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: फर्रुखाबाद में रैली करने पहुंचे अरविंद केजरीवाल ने केन्द्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद से कहा कि हम फर्रुखाबाद आ गए हैं और आज रात की ट्रेन से वापस भी जाएंगे। कुछ घंटे बचे हैं, अगर आप कुछ करना चाहते हैं तो कर लीजिए।
उन्होंने कहा कि हम अपनी जान हथेली पर लेकर घूमते हैं। रास्ते में खुर्शीद समर्थकों द्वारा काले झंडे दिखाने पर केजरीवाल ने कहा कि वे कुछ गिने-चुने लोग थे। यही नहीं केजरीवाल ने उन्हें स्टेज पर आने के लिए आमंत्रित भी किया। उन्होंने काले झंडे दिखाने वालों से कहा कि विकलांगों का पैसा चोरी करना सबसे घिनौना भ्रष्टाचार है। यहां तक कि यूपी सरकार की जांच में भी यह घपला सामने आया था।
केजरीवाल ने सलमान खुर्शीद और उनकी पत्नी लुईस खुर्शीद पर आरोप लगाया कि उन्होंने अफसरों के फर्जी हस्ताक्षर करके विकलांगों का पैसा खाया। 14 में से 11 जिलों में विकलांगों के नाम पर घपला किया गया।
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह पर केजरीवाल ने आरोप लगाया कि उन्होंने विकलांगों को मिलने का समय नहीं दिया, वे उनसे मिलकर अपनी समस्याएं उनके सामने रखना चाहते थे। अरविंद ने साथ में यह भी कहा कि खुर्शीद ने एक बार बोला था कि मैं सोनिया गांधी के लिए जान दे दूंगा, लेकिन हमें तो लगा था कि वह जनता के सेवक हैं, उनके लिए जान देंगे। अंत में उन्होंने जनता से सवाल किया कि क्या वह दोबारा खुर्शीद को चुनना चाहेंगे?
उधर, केजरीवाल जब फर्रुखाबाद में रैली करने जा रहे थे, तो गंतव्य स्थल से 30 किलोमीटर दूर मलिकपुर में खुर्शीद के समर्थकों ने उनके काफिले को रोक लिया, जिससे प्रस्तावित रैली एक घंटे की देरी से शुरू हुई। रैली में शामिल होने जा रहे भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ता की कार के शीशे भी तोड़ दिए गए। हालांकि पुलिसकर्मियों ने मामले को शांत करा लिया। खुर्शीद के समर्थकों ने 'मैं हूं सलमान खुर्शीद' की टोपियां पहन रखी थीं। फर्रुखाबाद में आवास विकास परिसर में हो रही इस रैली में अच्छी-खासी भीड़ जमा हुई थी।टिप्पणियां
गौरतलब है कि केजरीवाल की रैली से पहले कांग्रेस ने एक सीडी जारी की थी, जिसमें कहा जा रहा है कि सलमान खुर्शीद की पत्नी लुईस खुर्शीद और इंडिया अगेंस्ट करप्शन के कार्यकर्ता लक्ष्मण सिंह की आवाज है। इसमें कथिततौर पर लक्ष्मण सिंह कह रहे हैं कि अगर पुन्नी शुक्ला को नगर कांग्रेस अध्यक्ष के पद से हटा दिया जाए, तो रैली रद्द की जा सकती है। वहीं इंडिया अंगेस्ट करप्शन का कहना है कि यह सीडी फर्जी है और इसे छेड़छाड़ करके तैयार की गई है।
पक्ष-विपक्ष की धमकियों के बीच सरकार ने इस रैली में लाठी−डंडे और हथियार लाने पर रोक लगा दी थी। केजरीवाल को 11 शर्तों के साथ रैली की इजाजत दी गई थी और यहां सुरक्षा के जबर्दस्त इंतजाम किए गए थे।
उन्होंने कहा कि हम अपनी जान हथेली पर लेकर घूमते हैं। रास्ते में खुर्शीद समर्थकों द्वारा काले झंडे दिखाने पर केजरीवाल ने कहा कि वे कुछ गिने-चुने लोग थे। यही नहीं केजरीवाल ने उन्हें स्टेज पर आने के लिए आमंत्रित भी किया। उन्होंने काले झंडे दिखाने वालों से कहा कि विकलांगों का पैसा चोरी करना सबसे घिनौना भ्रष्टाचार है। यहां तक कि यूपी सरकार की जांच में भी यह घपला सामने आया था।
केजरीवाल ने सलमान खुर्शीद और उनकी पत्नी लुईस खुर्शीद पर आरोप लगाया कि उन्होंने अफसरों के फर्जी हस्ताक्षर करके विकलांगों का पैसा खाया। 14 में से 11 जिलों में विकलांगों के नाम पर घपला किया गया।
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह पर केजरीवाल ने आरोप लगाया कि उन्होंने विकलांगों को मिलने का समय नहीं दिया, वे उनसे मिलकर अपनी समस्याएं उनके सामने रखना चाहते थे। अरविंद ने साथ में यह भी कहा कि खुर्शीद ने एक बार बोला था कि मैं सोनिया गांधी के लिए जान दे दूंगा, लेकिन हमें तो लगा था कि वह जनता के सेवक हैं, उनके लिए जान देंगे। अंत में उन्होंने जनता से सवाल किया कि क्या वह दोबारा खुर्शीद को चुनना चाहेंगे?
उधर, केजरीवाल जब फर्रुखाबाद में रैली करने जा रहे थे, तो गंतव्य स्थल से 30 किलोमीटर दूर मलिकपुर में खुर्शीद के समर्थकों ने उनके काफिले को रोक लिया, जिससे प्रस्तावित रैली एक घंटे की देरी से शुरू हुई। रैली में शामिल होने जा रहे भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ता की कार के शीशे भी तोड़ दिए गए। हालांकि पुलिसकर्मियों ने मामले को शांत करा लिया। खुर्शीद के समर्थकों ने 'मैं हूं सलमान खुर्शीद' की टोपियां पहन रखी थीं। फर्रुखाबाद में आवास विकास परिसर में हो रही इस रैली में अच्छी-खासी भीड़ जमा हुई थी।टिप्पणियां
गौरतलब है कि केजरीवाल की रैली से पहले कांग्रेस ने एक सीडी जारी की थी, जिसमें कहा जा रहा है कि सलमान खुर्शीद की पत्नी लुईस खुर्शीद और इंडिया अगेंस्ट करप्शन के कार्यकर्ता लक्ष्मण सिंह की आवाज है। इसमें कथिततौर पर लक्ष्मण सिंह कह रहे हैं कि अगर पुन्नी शुक्ला को नगर कांग्रेस अध्यक्ष के पद से हटा दिया जाए, तो रैली रद्द की जा सकती है। वहीं इंडिया अंगेस्ट करप्शन का कहना है कि यह सीडी फर्जी है और इसे छेड़छाड़ करके तैयार की गई है।
पक्ष-विपक्ष की धमकियों के बीच सरकार ने इस रैली में लाठी−डंडे और हथियार लाने पर रोक लगा दी थी। केजरीवाल को 11 शर्तों के साथ रैली की इजाजत दी गई थी और यहां सुरक्षा के जबर्दस्त इंतजाम किए गए थे।
केजरीवाल ने सलमान खुर्शीद और उनकी पत्नी लुईस खुर्शीद पर आरोप लगाया कि उन्होंने अफसरों के फर्जी हस्ताक्षर करके विकलांगों का पैसा खाया। 14 में से 11 जिलों में विकलांगों के नाम पर घपला किया गया।
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह पर केजरीवाल ने आरोप लगाया कि उन्होंने विकलांगों को मिलने का समय नहीं दिया, वे उनसे मिलकर अपनी समस्याएं उनके सामने रखना चाहते थे। अरविंद ने साथ में यह भी कहा कि खुर्शीद ने एक बार बोला था कि मैं सोनिया गांधी के लिए जान दे दूंगा, लेकिन हमें तो लगा था कि वह जनता के सेवक हैं, उनके लिए जान देंगे। अंत में उन्होंने जनता से सवाल किया कि क्या वह दोबारा खुर्शीद को चुनना चाहेंगे?
उधर, केजरीवाल जब फर्रुखाबाद में रैली करने जा रहे थे, तो गंतव्य स्थल से 30 किलोमीटर दूर मलिकपुर में खुर्शीद के समर्थकों ने उनके काफिले को रोक लिया, जिससे प्रस्तावित रैली एक घंटे की देरी से शुरू हुई। रैली में शामिल होने जा रहे भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ता की कार के शीशे भी तोड़ दिए गए। हालांकि पुलिसकर्मियों ने मामले को शांत करा लिया। खुर्शीद के समर्थकों ने 'मैं हूं सलमान खुर्शीद' की टोपियां पहन रखी थीं। फर्रुखाबाद में आवास विकास परिसर में हो रही इस रैली में अच्छी-खासी भीड़ जमा हुई थी।टिप्पणियां
गौरतलब है कि केजरीवाल की रैली से पहले कांग्रेस ने एक सीडी जारी की थी, जिसमें कहा जा रहा है कि सलमान खुर्शीद की पत्नी लुईस खुर्शीद और इंडिया अगेंस्ट करप्शन के कार्यकर्ता लक्ष्मण सिंह की आवाज है। इसमें कथिततौर पर लक्ष्मण सिंह कह रहे हैं कि अगर पुन्नी शुक्ला को नगर कांग्रेस अध्यक्ष के पद से हटा दिया जाए, तो रैली रद्द की जा सकती है। वहीं इंडिया अंगेस्ट करप्शन का कहना है कि यह सीडी फर्जी है और इसे छेड़छाड़ करके तैयार की गई है।
पक्ष-विपक्ष की धमकियों के बीच सरकार ने इस रैली में लाठी−डंडे और हथियार लाने पर रोक लगा दी थी। केजरीवाल को 11 शर्तों के साथ रैली की इजाजत दी गई थी और यहां सुरक्षा के जबर्दस्त इंतजाम किए गए थे।
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह पर केजरीवाल ने आरोप लगाया कि उन्होंने विकलांगों को मिलने का समय नहीं दिया, वे उनसे मिलकर अपनी समस्याएं उनके सामने रखना चाहते थे। अरविंद ने साथ में यह भी कहा कि खुर्शीद ने एक बार बोला था कि मैं सोनिया गांधी के लिए जान दे दूंगा, लेकिन हमें तो लगा था कि वह जनता के सेवक हैं, उनके लिए जान देंगे। अंत में उन्होंने जनता से सवाल किया कि क्या वह दोबारा खुर्शीद को चुनना चाहेंगे?
उधर, केजरीवाल जब फर्रुखाबाद में रैली करने जा रहे थे, तो गंतव्य स्थल से 30 किलोमीटर दूर मलिकपुर में खुर्शीद के समर्थकों ने उनके काफिले को रोक लिया, जिससे प्रस्तावित रैली एक घंटे की देरी से शुरू हुई। रैली में शामिल होने जा रहे भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ता की कार के शीशे भी तोड़ दिए गए। हालांकि पुलिसकर्मियों ने मामले को शांत करा लिया। खुर्शीद के समर्थकों ने 'मैं हूं सलमान खुर्शीद' की टोपियां पहन रखी थीं। फर्रुखाबाद में आवास विकास परिसर में हो रही इस रैली में अच्छी-खासी भीड़ जमा हुई थी।टिप्पणियां
गौरतलब है कि केजरीवाल की रैली से पहले कांग्रेस ने एक सीडी जारी की थी, जिसमें कहा जा रहा है कि सलमान खुर्शीद की पत्नी लुईस खुर्शीद और इंडिया अगेंस्ट करप्शन के कार्यकर्ता लक्ष्मण सिंह की आवाज है। इसमें कथिततौर पर लक्ष्मण सिंह कह रहे हैं कि अगर पुन्नी शुक्ला को नगर कांग्रेस अध्यक्ष के पद से हटा दिया जाए, तो रैली रद्द की जा सकती है। वहीं इंडिया अंगेस्ट करप्शन का कहना है कि यह सीडी फर्जी है और इसे छेड़छाड़ करके तैयार की गई है।
पक्ष-विपक्ष की धमकियों के बीच सरकार ने इस रैली में लाठी−डंडे और हथियार लाने पर रोक लगा दी थी। केजरीवाल को 11 शर्तों के साथ रैली की इजाजत दी गई थी और यहां सुरक्षा के जबर्दस्त इंतजाम किए गए थे।
उधर, केजरीवाल जब फर्रुखाबाद में रैली करने जा रहे थे, तो गंतव्य स्थल से 30 किलोमीटर दूर मलिकपुर में खुर्शीद के समर्थकों ने उनके काफिले को रोक लिया, जिससे प्रस्तावित रैली एक घंटे की देरी से शुरू हुई। रैली में शामिल होने जा रहे भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ता की कार के शीशे भी तोड़ दिए गए। हालांकि पुलिसकर्मियों ने मामले को शांत करा लिया। खुर्शीद के समर्थकों ने 'मैं हूं सलमान खुर्शीद' की टोपियां पहन रखी थीं। फर्रुखाबाद में आवास विकास परिसर में हो रही इस रैली में अच्छी-खासी भीड़ जमा हुई थी।टिप्पणियां
गौरतलब है कि केजरीवाल की रैली से पहले कांग्रेस ने एक सीडी जारी की थी, जिसमें कहा जा रहा है कि सलमान खुर्शीद की पत्नी लुईस खुर्शीद और इंडिया अगेंस्ट करप्शन के कार्यकर्ता लक्ष्मण सिंह की आवाज है। इसमें कथिततौर पर लक्ष्मण सिंह कह रहे हैं कि अगर पुन्नी शुक्ला को नगर कांग्रेस अध्यक्ष के पद से हटा दिया जाए, तो रैली रद्द की जा सकती है। वहीं इंडिया अंगेस्ट करप्शन का कहना है कि यह सीडी फर्जी है और इसे छेड़छाड़ करके तैयार की गई है।
पक्ष-विपक्ष की धमकियों के बीच सरकार ने इस रैली में लाठी−डंडे और हथियार लाने पर रोक लगा दी थी। केजरीवाल को 11 शर्तों के साथ रैली की इजाजत दी गई थी और यहां सुरक्षा के जबर्दस्त इंतजाम किए गए थे।
गौरतलब है कि केजरीवाल की रैली से पहले कांग्रेस ने एक सीडी जारी की थी, जिसमें कहा जा रहा है कि सलमान खुर्शीद की पत्नी लुईस खुर्शीद और इंडिया अगेंस्ट करप्शन के कार्यकर्ता लक्ष्मण सिंह की आवाज है। इसमें कथिततौर पर लक्ष्मण सिंह कह रहे हैं कि अगर पुन्नी शुक्ला को नगर कांग्रेस अध्यक्ष के पद से हटा दिया जाए, तो रैली रद्द की जा सकती है। वहीं इंडिया अंगेस्ट करप्शन का कहना है कि यह सीडी फर्जी है और इसे छेड़छाड़ करके तैयार की गई है।
पक्ष-विपक्ष की धमकियों के बीच सरकार ने इस रैली में लाठी−डंडे और हथियार लाने पर रोक लगा दी थी। केजरीवाल को 11 शर्तों के साथ रैली की इजाजत दी गई थी और यहां सुरक्षा के जबर्दस्त इंतजाम किए गए थे।
पक्ष-विपक्ष की धमकियों के बीच सरकार ने इस रैली में लाठी−डंडे और हथियार लाने पर रोक लगा दी थी। केजरीवाल को 11 शर्तों के साथ रैली की इजाजत दी गई थी और यहां सुरक्षा के जबर्दस्त इंतजाम किए गए थे। | यह एक सारांश है: केजरीवाल जब फर्रुखाबाद में रैली करने जा रहे थे, तो मलिकपुर में सलमान खुर्शीद के समर्थकों ने उनके काफिले को रोक लिया। रैली में शामिल होने जा रहे भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ता की कार के शीशे भी तोड़ दिए गए। | 2 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पूर्व प्रधानमंत्री इंद्र कुमार गुजराल को गुड़गांव स्थित मेडिसिटी मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उन्हें छाती में संक्रमण हो गया है और उनकी स्थिति 'गंभीर' बताई गई है।टिप्पणियां
92-वर्षीय गुजराल कुछ समय से अस्वस्थ हैं और तबीयत बिगड़ने पर शनिवार को उन्हें वेंटीलेटर पर रखा गया। वह करीब एक वर्ष से डायलीसिस पर हैं और कुछ दिन पहले उन्हें छाती में गंभीर संक्रमण हो गया था।
गुजराल के पुत्र एवं सांसद नरेश गुजराल ने बताया कि उनकी हालत ठीक नहीं है और वह गंभीर हैं। अस्पताल सूत्रों ने बताया कि गुजरात की स्थिति 'करीब स्थिर' है। गुजराल को चार दिन पहले छाती में दर्द की शिकायत पर अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
92-वर्षीय गुजराल कुछ समय से अस्वस्थ हैं और तबीयत बिगड़ने पर शनिवार को उन्हें वेंटीलेटर पर रखा गया। वह करीब एक वर्ष से डायलीसिस पर हैं और कुछ दिन पहले उन्हें छाती में गंभीर संक्रमण हो गया था।
गुजराल के पुत्र एवं सांसद नरेश गुजराल ने बताया कि उनकी हालत ठीक नहीं है और वह गंभीर हैं। अस्पताल सूत्रों ने बताया कि गुजरात की स्थिति 'करीब स्थिर' है। गुजराल को चार दिन पहले छाती में दर्द की शिकायत पर अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
गुजराल के पुत्र एवं सांसद नरेश गुजराल ने बताया कि उनकी हालत ठीक नहीं है और वह गंभीर हैं। अस्पताल सूत्रों ने बताया कि गुजरात की स्थिति 'करीब स्थिर' है। गुजराल को चार दिन पहले छाती में दर्द की शिकायत पर अस्पताल में भर्ती कराया गया था। | यह एक सारांश है: पूर्व प्रधानमंत्री इंद्र कुमार गुजराल को गुड़गांव स्थित मेडिसिटी मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उन्हें छाती में संक्रमण हो गया है और उनकी स्थिति 'गंभीर' बताई गई है। | 16 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: तमिलनाडु सरकार ने सैन्य अधिकारियों से उस व्यक्ति को राज्य पुलिस को सुपुर्द करने को कहा है जिसने कथित तौर पर चेन्नई में उसके परिसर में घुस आए 13 वर्षीय दिलशान को गोली मार दी। मुख्ममंत्री जयललिता ने नाबालिग पर हमले को अक्षम्य करार देते हुए बुधवार को कहा कि सेना को जिम्मेदार व्यक्ति को पुलिस को सौंप देना चाहिए ताकि उससे कानून के मुताबिक निपटा जा सके। उन्होंने कहा, यह बिल्कुल स्पष्ट है कि सेना परिसर के भीतर किसी ने लड़के पर गोली चलाई। हमारे मुख्य सचिव ने जनरल ऑफिसर कमांडिंग को पत्र लिखकर उनसे अनुरोध किया है कि इस अक्षम्य कृत्य के लिए जिम्मेदार शख्स को राज्य पुलिस के सुपुर्द किया जाए ताकि उससे कानून के हिसाब से निपटा जा सके। तमिलनाडु के लिए योजना को अंतिम रूप देने के लिहाज से योजना आयोग द्वारा बुलाई गयी बैठक में भाग लेने आज यहां पहुंची जयललिता हवाईअड्डे पर संवाददाताओं से बातचीत कर रहीं थीं। चेन्नई के आईलैंड ग्राउंड में सैन्य आवासों के पास इंदिरा गांधी नगर इलाके में रहने वाले दिलशान को रहस्यमयी तरीके से गोली लगी थी, जिससे उसकी मौत हो गई। इसके बाद स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया और लड़के के परिवार ने आरोप लगाया कि सेना के जवान ने उसे गोली मारी है। चेन्नई में दयानिधि मारन के घर से सन टीवी के दफ्तर तक अवैध तरीके से ऑप्टिकल फाइबर तार बिछाये जाने की खबरों पर जयललिता ने कहा कि उन्होंने इस तरह की खबरें मीडिया में देखी हैं। उन्होंने कहा, आज मैं योजना आयोग की बैठक के सिलसिले में व्यस्त हूं। जैसे ही मैं चेन्नई लौटूंगी तो पूरी तरह मामले की जांच करुंगी और जरूरी कार्रवाई की जाएगी। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: जयललिता ने नाबालिग पर हमले को अक्षम्य करार देते हुए कहा कि सेना को जिम्मेदार व्यक्ति को पुलिस को सौंप देना चाहिए। | 19 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: डोनाल्ड ट्रंप की कैबिनेट में निक्की हेली के एक दावेदार होने की रिपोर्टों के बीच दक्षिण कैरोलिना की भारतीय अमेरिकी गवर्नर ने कहा है कि रिपब्लिकन पार्टी को समावेशी बनने की आवश्यकता है और वह प्रवासियों या अश्वेत लोगों को भूलने की गलती नहीं कर सकती.
निक्की ने वाशिंगटन डीसी में कल कहा, ‘‘यदि हम प्रशासन चलाने वाली एक शक्ति के रूप में प्रभावशाली तरीके से नेतृत्व करना चाहते हैं और स्थाई ताकत बने रहना चाहते हैं तो हमें यह बात स्वीकार करनी होगी कि डोनाल्ड ट्रंप का चुनाव उस तरीके का समर्थन नहीं करता जिस तरह रिपब्लिकन नेताओं ने स्वयं आचरण किया है.’’ 44 वर्षीय रिपब्लिकन नेता ने कहा, ‘‘उन्होंने दोनों पार्टियों, एक राजनीतिक प्रणाली जो उनके मुताबिक मूल रूप से टूटी हुई है उसके खिलाफ चुनाव लड़ा. मतदाताओं ने उसके इस तर्क का भरपूर समर्थन किया. उन्होंने रिपब्किलन समेत सभी विचारधाओं के राजनीतिक वर्ग को खारिज कर दिया और इसके लिए कोई और नहीं, बल्कि स्वयं हम जिम्मेदार हैं.’’
निक्की का बयान ऐसे समय आया है जब अटकलें लग रही हैं कि वह ट्रंप की कैबिनेट में या तो विदेश मंत्री या वाणिज्य मंत्री पद की शीर्ष दावेदार हैं. उन्होंने कहा कि रिपब्लिकन पार्टी को लोगों को यह याद दिलाना चाहिए कि यह पार्टी ‘‘सभी नागरिकों को, भले ही वे किसी भी नस्ल, लिंग के हों या कहीं भी जन्मे या पले बढ़े हो, उन्हें’’ अवसर मुहैया कराएगी.
दक्षिण कैरोलिना की दो बार गर्वनर बन चुकीं निक्की ने नवनिर्वाचित राष्ट्रपति की प्रशंसा की और कहा कि हालांकि मैंने कभी ट्रंप की तारीफों के पुल नहीं बांधे लेकिन रिपब्लिकन पार्टी के पास अपनी नीतियों को लागू करने का अभूतपूर्व मौका है और उसे इसका लाभ उठाना चाहिए.टिप्पणियां
उन्होंने कहा, ‘‘मैंने उन्हें (ट्रंप को) वोट दिया और उन्हें जीतते देखकर मैं बहुत उत्साहित थी.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
निक्की ने वाशिंगटन डीसी में कल कहा, ‘‘यदि हम प्रशासन चलाने वाली एक शक्ति के रूप में प्रभावशाली तरीके से नेतृत्व करना चाहते हैं और स्थाई ताकत बने रहना चाहते हैं तो हमें यह बात स्वीकार करनी होगी कि डोनाल्ड ट्रंप का चुनाव उस तरीके का समर्थन नहीं करता जिस तरह रिपब्लिकन नेताओं ने स्वयं आचरण किया है.’’ 44 वर्षीय रिपब्लिकन नेता ने कहा, ‘‘उन्होंने दोनों पार्टियों, एक राजनीतिक प्रणाली जो उनके मुताबिक मूल रूप से टूटी हुई है उसके खिलाफ चुनाव लड़ा. मतदाताओं ने उसके इस तर्क का भरपूर समर्थन किया. उन्होंने रिपब्किलन समेत सभी विचारधाओं के राजनीतिक वर्ग को खारिज कर दिया और इसके लिए कोई और नहीं, बल्कि स्वयं हम जिम्मेदार हैं.’’
निक्की का बयान ऐसे समय आया है जब अटकलें लग रही हैं कि वह ट्रंप की कैबिनेट में या तो विदेश मंत्री या वाणिज्य मंत्री पद की शीर्ष दावेदार हैं. उन्होंने कहा कि रिपब्लिकन पार्टी को लोगों को यह याद दिलाना चाहिए कि यह पार्टी ‘‘सभी नागरिकों को, भले ही वे किसी भी नस्ल, लिंग के हों या कहीं भी जन्मे या पले बढ़े हो, उन्हें’’ अवसर मुहैया कराएगी.
दक्षिण कैरोलिना की दो बार गर्वनर बन चुकीं निक्की ने नवनिर्वाचित राष्ट्रपति की प्रशंसा की और कहा कि हालांकि मैंने कभी ट्रंप की तारीफों के पुल नहीं बांधे लेकिन रिपब्लिकन पार्टी के पास अपनी नीतियों को लागू करने का अभूतपूर्व मौका है और उसे इसका लाभ उठाना चाहिए.टिप्पणियां
उन्होंने कहा, ‘‘मैंने उन्हें (ट्रंप को) वोट दिया और उन्हें जीतते देखकर मैं बहुत उत्साहित थी.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
निक्की का बयान ऐसे समय आया है जब अटकलें लग रही हैं कि वह ट्रंप की कैबिनेट में या तो विदेश मंत्री या वाणिज्य मंत्री पद की शीर्ष दावेदार हैं. उन्होंने कहा कि रिपब्लिकन पार्टी को लोगों को यह याद दिलाना चाहिए कि यह पार्टी ‘‘सभी नागरिकों को, भले ही वे किसी भी नस्ल, लिंग के हों या कहीं भी जन्मे या पले बढ़े हो, उन्हें’’ अवसर मुहैया कराएगी.
दक्षिण कैरोलिना की दो बार गर्वनर बन चुकीं निक्की ने नवनिर्वाचित राष्ट्रपति की प्रशंसा की और कहा कि हालांकि मैंने कभी ट्रंप की तारीफों के पुल नहीं बांधे लेकिन रिपब्लिकन पार्टी के पास अपनी नीतियों को लागू करने का अभूतपूर्व मौका है और उसे इसका लाभ उठाना चाहिए.टिप्पणियां
उन्होंने कहा, ‘‘मैंने उन्हें (ट्रंप को) वोट दिया और उन्हें जीतते देखकर मैं बहुत उत्साहित थी.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
दक्षिण कैरोलिना की दो बार गर्वनर बन चुकीं निक्की ने नवनिर्वाचित राष्ट्रपति की प्रशंसा की और कहा कि हालांकि मैंने कभी ट्रंप की तारीफों के पुल नहीं बांधे लेकिन रिपब्लिकन पार्टी के पास अपनी नीतियों को लागू करने का अभूतपूर्व मौका है और उसे इसका लाभ उठाना चाहिए.टिप्पणियां
उन्होंने कहा, ‘‘मैंने उन्हें (ट्रंप को) वोट दिया और उन्हें जीतते देखकर मैं बहुत उत्साहित थी.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
उन्होंने कहा, ‘‘मैंने उन्हें (ट्रंप को) वोट दिया और उन्हें जीतते देखकर मैं बहुत उत्साहित थी.’’(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | संक्षिप्त पाठ: रिपब्लिकन पार्टी को है समावेशी बनने की आवश्यकता
रिपब्लिकन को लोगों को याद दिलाना चाहिए कि वह सबको अवसर देगी
पार्टी के पास अपनी नीतियों को लागू करने का अभूतपूर्व मौका | 13 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: क्रिकेटर से राजनेता बने नवजोत सिंह सिद्धू ने बीजेपी का दामन छोड़कर अपना सियासी मंच आवाज़-ए-पंजाब शुरू कर लिया है. अब वह जल्द ही कपिल शर्मा शो को भी आखिरी सलाम करने वाले हैं.
सिद्धू के करीबी लोगों की मानें तो सितंबर के बाद वह कपिल शर्मा शो में नहीं दिखेंगे. सिद्धू को इस शो से सालाना 25 करोड़ रुपये की आमदनी होती है. वह एक अक्टूबर को अमृतसर पहुंच रहे हैं जहां उनके जोरदार स्वागत की तैयारी चल रही है.टिप्पणियां
सिद्धू की पत्नी नवजोत कौर ने बताया कि उनके पति पहले ही साफ़ कर चुके हैं कि पंजाब की ज़िम्मेदारी से बढ़कर उनके लिए कुछ भी नहीं है. सूत्रों के मुताबिक आवाज़-ए -पंजाब को सियासी पार्टी में तब्दील करने की तैयारी चल रही है. इस सिलसिले में पंजाब की जनता को चौथा विकल्प देने के लिए लुधियाना के बैंस बंधुओं और पूर्व हॉकी इंडिया कैप्टन परगट सिंह की बातचीत समान सोच वाली पार्टियों से चल रही है.
उम्मीद है कि सिद्धू के पंजाब आने के बाद अक्टूबर के पहले हफ्ते में नई पार्टी का ऐलान कर दिया जायेगा. आम आदमी पार्टी से अलग हुए सुच्चा सिंह छोटेपुर सिद्धू की पार्टी से जुड़ने का इशारा पहले ही कर चुके हैं. इसके अलावा, योगेंद्र यादव की अगुवाई वाले स्वराज अभियान से अलग हुए पंजाब के नेताओं की लोकतान्त्रिक स्वराज पार्टी भी सिद्धू के सियासी मंच से बातचीत कर रही है.
सिद्धू के करीबी लोगों की मानें तो सितंबर के बाद वह कपिल शर्मा शो में नहीं दिखेंगे. सिद्धू को इस शो से सालाना 25 करोड़ रुपये की आमदनी होती है. वह एक अक्टूबर को अमृतसर पहुंच रहे हैं जहां उनके जोरदार स्वागत की तैयारी चल रही है.टिप्पणियां
सिद्धू की पत्नी नवजोत कौर ने बताया कि उनके पति पहले ही साफ़ कर चुके हैं कि पंजाब की ज़िम्मेदारी से बढ़कर उनके लिए कुछ भी नहीं है. सूत्रों के मुताबिक आवाज़-ए -पंजाब को सियासी पार्टी में तब्दील करने की तैयारी चल रही है. इस सिलसिले में पंजाब की जनता को चौथा विकल्प देने के लिए लुधियाना के बैंस बंधुओं और पूर्व हॉकी इंडिया कैप्टन परगट सिंह की बातचीत समान सोच वाली पार्टियों से चल रही है.
उम्मीद है कि सिद्धू के पंजाब आने के बाद अक्टूबर के पहले हफ्ते में नई पार्टी का ऐलान कर दिया जायेगा. आम आदमी पार्टी से अलग हुए सुच्चा सिंह छोटेपुर सिद्धू की पार्टी से जुड़ने का इशारा पहले ही कर चुके हैं. इसके अलावा, योगेंद्र यादव की अगुवाई वाले स्वराज अभियान से अलग हुए पंजाब के नेताओं की लोकतान्त्रिक स्वराज पार्टी भी सिद्धू के सियासी मंच से बातचीत कर रही है.
सिद्धू की पत्नी नवजोत कौर ने बताया कि उनके पति पहले ही साफ़ कर चुके हैं कि पंजाब की ज़िम्मेदारी से बढ़कर उनके लिए कुछ भी नहीं है. सूत्रों के मुताबिक आवाज़-ए -पंजाब को सियासी पार्टी में तब्दील करने की तैयारी चल रही है. इस सिलसिले में पंजाब की जनता को चौथा विकल्प देने के लिए लुधियाना के बैंस बंधुओं और पूर्व हॉकी इंडिया कैप्टन परगट सिंह की बातचीत समान सोच वाली पार्टियों से चल रही है.
उम्मीद है कि सिद्धू के पंजाब आने के बाद अक्टूबर के पहले हफ्ते में नई पार्टी का ऐलान कर दिया जायेगा. आम आदमी पार्टी से अलग हुए सुच्चा सिंह छोटेपुर सिद्धू की पार्टी से जुड़ने का इशारा पहले ही कर चुके हैं. इसके अलावा, योगेंद्र यादव की अगुवाई वाले स्वराज अभियान से अलग हुए पंजाब के नेताओं की लोकतान्त्रिक स्वराज पार्टी भी सिद्धू के सियासी मंच से बातचीत कर रही है.
उम्मीद है कि सिद्धू के पंजाब आने के बाद अक्टूबर के पहले हफ्ते में नई पार्टी का ऐलान कर दिया जायेगा. आम आदमी पार्टी से अलग हुए सुच्चा सिंह छोटेपुर सिद्धू की पार्टी से जुड़ने का इशारा पहले ही कर चुके हैं. इसके अलावा, योगेंद्र यादव की अगुवाई वाले स्वराज अभियान से अलग हुए पंजाब के नेताओं की लोकतान्त्रिक स्वराज पार्टी भी सिद्धू के सियासी मंच से बातचीत कर रही है. | यहाँ एक सारांश है:माना जा रहा है कि सितंबर के बाद 'कपिल शर्मा शो' में नहीं दिखेंगे सिद्धू.
अपनी पार्टी आवाज़ ए पंजाब के लिए फुलटाइम काम करेंगे सिद्धू.
शो से सालाना 25 करोड़ कमाते हैं नवजोत सिंह सिद्धू. | 12 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: केपटाउन में इस हफ्ते होने वाली आईसीसी की कार्यकारी बोर्ड की बैठक में भाग लेने के लिये जाने वाला पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) दल बीसीसीआई अध्यक्ष अनुराग ठाकुर को उनकी 'भारत-पाक संबंधों' और क्रिकेट रिश्तों पर हालिया टिप्पणी के कारण सेंसर करने की मांग करेगा.
पीसीबी के पूर्व अध्यक्ष नजम सेठी अब इस शक्तिशाली कार्यकारी समिति के प्रमुख हैं और उनके साथ मुख्य परिचालन अधिकारी सुभान अहमद केपटाउन में होने वाली
बैठक में भाग लेंगे क्योंकि अध्यक्ष शहरयार खान लंदन में हुई दिल की सर्जरी से अभी तक उबरे नहीं हैं.
केपटाउन रवाना होने से पहले सेठी ने कहा कि इस बार वह भारतीय क्रिकेट अधिकारियों को कड़ा जवाब देंगे लेकिन जोर देते हुए कहा कि वह पीसीबी की क्रिकेट और राजनीति को दूर रखने की नीति पर अडिग रहेंगे.
पीसीबी के एक आधिकारिक सूत्र ने कहा कि ठाकुर के हालिया बयान से विशेषकर सेठी खुश नहीं थे, जिसमें बीसीसीआई अध्यक्ष ने घोषित किया था कि भारत उस देश के खिलाफ क्रिकेट नहीं खेलेगा जो आतंकवाद को बढ़ावा देता है. टिप्पणियां
सूत्र ने कहा, ''पाकिस्तान का पक्ष बिलकुल सरल है...पहले अनुराग ठाकुर आईसीसी बैठक में स्पष्ट करें कि वह भारत की सत्तारूढ़ पार्टी के राजनेता के तौर पर बयान देते हैं या फिर बतौर बीसीसीआई अध्यक्ष क्योंकि आईसीसी संविधान क्रिकेट में राजनीति का विरोध करता है.''(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
पीसीबी के पूर्व अध्यक्ष नजम सेठी अब इस शक्तिशाली कार्यकारी समिति के प्रमुख हैं और उनके साथ मुख्य परिचालन अधिकारी सुभान अहमद केपटाउन में होने वाली
बैठक में भाग लेंगे क्योंकि अध्यक्ष शहरयार खान लंदन में हुई दिल की सर्जरी से अभी तक उबरे नहीं हैं.
केपटाउन रवाना होने से पहले सेठी ने कहा कि इस बार वह भारतीय क्रिकेट अधिकारियों को कड़ा जवाब देंगे लेकिन जोर देते हुए कहा कि वह पीसीबी की क्रिकेट और राजनीति को दूर रखने की नीति पर अडिग रहेंगे.
पीसीबी के एक आधिकारिक सूत्र ने कहा कि ठाकुर के हालिया बयान से विशेषकर सेठी खुश नहीं थे, जिसमें बीसीसीआई अध्यक्ष ने घोषित किया था कि भारत उस देश के खिलाफ क्रिकेट नहीं खेलेगा जो आतंकवाद को बढ़ावा देता है. टिप्पणियां
सूत्र ने कहा, ''पाकिस्तान का पक्ष बिलकुल सरल है...पहले अनुराग ठाकुर आईसीसी बैठक में स्पष्ट करें कि वह भारत की सत्तारूढ़ पार्टी के राजनेता के तौर पर बयान देते हैं या फिर बतौर बीसीसीआई अध्यक्ष क्योंकि आईसीसी संविधान क्रिकेट में राजनीति का विरोध करता है.''(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
बैठक में भाग लेंगे क्योंकि अध्यक्ष शहरयार खान लंदन में हुई दिल की सर्जरी से अभी तक उबरे नहीं हैं.
केपटाउन रवाना होने से पहले सेठी ने कहा कि इस बार वह भारतीय क्रिकेट अधिकारियों को कड़ा जवाब देंगे लेकिन जोर देते हुए कहा कि वह पीसीबी की क्रिकेट और राजनीति को दूर रखने की नीति पर अडिग रहेंगे.
पीसीबी के एक आधिकारिक सूत्र ने कहा कि ठाकुर के हालिया बयान से विशेषकर सेठी खुश नहीं थे, जिसमें बीसीसीआई अध्यक्ष ने घोषित किया था कि भारत उस देश के खिलाफ क्रिकेट नहीं खेलेगा जो आतंकवाद को बढ़ावा देता है. टिप्पणियां
सूत्र ने कहा, ''पाकिस्तान का पक्ष बिलकुल सरल है...पहले अनुराग ठाकुर आईसीसी बैठक में स्पष्ट करें कि वह भारत की सत्तारूढ़ पार्टी के राजनेता के तौर पर बयान देते हैं या फिर बतौर बीसीसीआई अध्यक्ष क्योंकि आईसीसी संविधान क्रिकेट में राजनीति का विरोध करता है.''(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
केपटाउन रवाना होने से पहले सेठी ने कहा कि इस बार वह भारतीय क्रिकेट अधिकारियों को कड़ा जवाब देंगे लेकिन जोर देते हुए कहा कि वह पीसीबी की क्रिकेट और राजनीति को दूर रखने की नीति पर अडिग रहेंगे.
पीसीबी के एक आधिकारिक सूत्र ने कहा कि ठाकुर के हालिया बयान से विशेषकर सेठी खुश नहीं थे, जिसमें बीसीसीआई अध्यक्ष ने घोषित किया था कि भारत उस देश के खिलाफ क्रिकेट नहीं खेलेगा जो आतंकवाद को बढ़ावा देता है. टिप्पणियां
सूत्र ने कहा, ''पाकिस्तान का पक्ष बिलकुल सरल है...पहले अनुराग ठाकुर आईसीसी बैठक में स्पष्ट करें कि वह भारत की सत्तारूढ़ पार्टी के राजनेता के तौर पर बयान देते हैं या फिर बतौर बीसीसीआई अध्यक्ष क्योंकि आईसीसी संविधान क्रिकेट में राजनीति का विरोध करता है.''(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
पीसीबी के एक आधिकारिक सूत्र ने कहा कि ठाकुर के हालिया बयान से विशेषकर सेठी खुश नहीं थे, जिसमें बीसीसीआई अध्यक्ष ने घोषित किया था कि भारत उस देश के खिलाफ क्रिकेट नहीं खेलेगा जो आतंकवाद को बढ़ावा देता है. टिप्पणियां
सूत्र ने कहा, ''पाकिस्तान का पक्ष बिलकुल सरल है...पहले अनुराग ठाकुर आईसीसी बैठक में स्पष्ट करें कि वह भारत की सत्तारूढ़ पार्टी के राजनेता के तौर पर बयान देते हैं या फिर बतौर बीसीसीआई अध्यक्ष क्योंकि आईसीसी संविधान क्रिकेट में राजनीति का विरोध करता है.''(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
सूत्र ने कहा, ''पाकिस्तान का पक्ष बिलकुल सरल है...पहले अनुराग ठाकुर आईसीसी बैठक में स्पष्ट करें कि वह भारत की सत्तारूढ़ पार्टी के राजनेता के तौर पर बयान देते हैं या फिर बतौर बीसीसीआई अध्यक्ष क्योंकि आईसीसी संविधान क्रिकेट में राजनीति का विरोध करता है.''(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | यहाँ एक सारांश है:आईसीसी कार्यकारी बोर्ड की केपटाउन में होने वाली है बैठक
दोनों देशों के क्रिकेट रिश्तों पर अनुराग ने हाल में की थी टिप्पणी
पीसीबी ने भारतीय क्रिकेट अधिकारियों को कड़ा जवाब देने की बात कही | 18 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: ऑलराउंडर जोनाथन कार्टर के करियर के पहले शतक और तेज गेंदबाज मिगुएल कमिन्स की सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी के दम पर वेस्ट इंडीज 'ए' ने दूसरे अनधिकृत एक-दिवसीय मैच में भारत 'ए' को 55 रन से हराकर तीन मैचों की शृंखला 1-1 से बराबर कर दी।
जोनाथन कार्टर ने शुरू में मिले जीवनदान का फायदा उठाकर 132 गेंदों पर 18 चौकों और तीन छक्कों की मदद से 133 रन बनाए, जो उनके लिस्ट 'ए' करियर का पहला शतक है। उन्होंने कर्क एडवर्ड्स (36) के साथ तीसरे विकेट के लिए 79 और लियोन जॉनसन (39) के साथ पांचवें विकेट के लिए 131 रनों की दो उपयोगी साझेदारियां कीं। इससे बल्लेबाजी का न्योता पाने वाले वेस्ट इंडीज 'ए' ने छह विकेट पर 279 रन का मजबूत स्कोर खड़ा किया।
पहले मैच में 77 रन से जीत दर्ज करने वाली भारतीय टीम की तरफ से कोई भी बल्लेबाज बड़ी पारी नहीं खेल पाया और आखिर में पूरी टीम 48.4 ओवर में 224 रन पर ढेर हो गई। 23-वर्षीय कमिन्स ने 31 रन देकर चार विकेट लिए, जो लिस्ट 'ए' में उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। कार्टर ने गेंदबाजी में भी कमाल दिखाया तथा 33 रन देकर दो विकेट लिए। बाएं हाथ के स्पिनर निकिता मिलर ने अपने एक ओवर में दो विकेट लेकर वेस्टइंडीज 'ए' की जीत में अहम योगदान दिया।
भारत की शुरुआत अच्छी नहीं रही। उसके चोटी के पांच बल्लेबाज 114 रन पर पैवेलियन लौट गए थे। इनमें पिछले मैच में शतक जड़ने वाले युवराज सिंह (40) तथा अर्द्धशतकीय पारियां खेलने वाले मनदीप सिंह (03) और यूसुफ पठान (0) भी शामिल थे। सलामी बल्लेबाज उन्मुक्त चंद (38) क्रीज पर काफी समय बिताने के बावजूद बड़ी पारी नहीं खेल पाए। केदार जाधव (35) और नमन ओझा (34) तेजी से रन बनाने के दबाव में पैवेलियन लौटे।
युवराज और उन्मुक्त ने तीसरे विकेट के लिए 64 रन की साझेदारी की, लेकिन वे अपेक्षित तेजी से रन नहीं बना पाए। उन्मुक्त ने कार्टर की लगातार गेंदों पर छक्का और चौका लगाया, लेकिन इसके बाद वह जल्द ही पैवेलियन लौट गए। उन्होंने एशले नुर्स की गेंद पर लॉन्ग ऑन पर कैच थमाने से पहले 72 गेंदों का सामना किया तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया।
बाएं हाथ के स्पिनर निकिता मिलर का पारी का 28वां ओवर भारत के लिए घातक साबित हुआ। युवराज ने ड्राइव करने के प्रयास में एक्स्ट्रा कवर पर खड़े कीरेन पावेल को सीधा कैच थमाया। अगली गेंद पर पठान असमंजस की स्थिति में स्लिप में कैच दे बैठे। पिछले मैच में 123 रन बनाने वाले युवराज ने 58 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कमिन्स ने जाधव और ओझा को आउट करके भारत की रही-सही उम्मीद भी खत्म कर दी।
इससे पहले सुबह भारतीय तेज गेंदबाज आर विनयकुमार (56 रन पर तीन विकेट) ने परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाया। कैरेबियाई कप्तान कीरन पावेल (4) ने उनकी गेंद पर विकेटकीपर ओझा को आसान कैच थमाया। कर्नाटक के इस गेंदबाज ने अपने अगले ओवर में बाउंसर पर आंद्रे फ्लैचर (15) को विकेट के पीछे कैच देने के लिए मजबूर किया।टिप्पणियां
विनयकुमार के एक ओवर में तीन चौके जड़ने के बाद एडवर्ड्स को रन बनाने के लिए जूझना पड़ा। उन्होंने 28वें ओवर में पठान की पहली गेंद पर छक्का जमाया, लेकिन अगली गेंद आगे खेलने के प्रयास में चूक गए और ओझा ने उन्हें स्टंप आउट कर दिया। नए बल्लेबाज आंद्रे रसेल (12) ने आते ही दो छक्के जड़े, लेकिन पठान के इसी ओवर में उन्होंने लॉन्ग ऑन पर कैच दे दिया।
वेस्ट इंडीज 'ए' का स्कोर जब चार विकेट पर 112 रन था, तब कार्टर और जॉनसन ने बड़ी साझेदारी निभाई। इन दोनों ने ढीली गेंदों का इंतजार किया और बड़े शॉट खेलने से भी परहेज नहीं किया। विनयकुमार ने 46वें ओवर में जॉनसन को आउट करके यह साझेदारी तोड़ी। उन्होंने अपनी पारी में 46 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कार्टर को आखिर में उनादकट ने एलबीडब्ल्यू आउट किया। डेवोन थामस 13 और एशले नुर्स 12 रन बनाकर नाबाद रहे। तीसरा और आखिरी मैच 19 सितंबर को बेंगलुरू में ही खेला जाएगा।
जोनाथन कार्टर ने शुरू में मिले जीवनदान का फायदा उठाकर 132 गेंदों पर 18 चौकों और तीन छक्कों की मदद से 133 रन बनाए, जो उनके लिस्ट 'ए' करियर का पहला शतक है। उन्होंने कर्क एडवर्ड्स (36) के साथ तीसरे विकेट के लिए 79 और लियोन जॉनसन (39) के साथ पांचवें विकेट के लिए 131 रनों की दो उपयोगी साझेदारियां कीं। इससे बल्लेबाजी का न्योता पाने वाले वेस्ट इंडीज 'ए' ने छह विकेट पर 279 रन का मजबूत स्कोर खड़ा किया।
पहले मैच में 77 रन से जीत दर्ज करने वाली भारतीय टीम की तरफ से कोई भी बल्लेबाज बड़ी पारी नहीं खेल पाया और आखिर में पूरी टीम 48.4 ओवर में 224 रन पर ढेर हो गई। 23-वर्षीय कमिन्स ने 31 रन देकर चार विकेट लिए, जो लिस्ट 'ए' में उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। कार्टर ने गेंदबाजी में भी कमाल दिखाया तथा 33 रन देकर दो विकेट लिए। बाएं हाथ के स्पिनर निकिता मिलर ने अपने एक ओवर में दो विकेट लेकर वेस्टइंडीज 'ए' की जीत में अहम योगदान दिया।
भारत की शुरुआत अच्छी नहीं रही। उसके चोटी के पांच बल्लेबाज 114 रन पर पैवेलियन लौट गए थे। इनमें पिछले मैच में शतक जड़ने वाले युवराज सिंह (40) तथा अर्द्धशतकीय पारियां खेलने वाले मनदीप सिंह (03) और यूसुफ पठान (0) भी शामिल थे। सलामी बल्लेबाज उन्मुक्त चंद (38) क्रीज पर काफी समय बिताने के बावजूद बड़ी पारी नहीं खेल पाए। केदार जाधव (35) और नमन ओझा (34) तेजी से रन बनाने के दबाव में पैवेलियन लौटे।
युवराज और उन्मुक्त ने तीसरे विकेट के लिए 64 रन की साझेदारी की, लेकिन वे अपेक्षित तेजी से रन नहीं बना पाए। उन्मुक्त ने कार्टर की लगातार गेंदों पर छक्का और चौका लगाया, लेकिन इसके बाद वह जल्द ही पैवेलियन लौट गए। उन्होंने एशले नुर्स की गेंद पर लॉन्ग ऑन पर कैच थमाने से पहले 72 गेंदों का सामना किया तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया।
बाएं हाथ के स्पिनर निकिता मिलर का पारी का 28वां ओवर भारत के लिए घातक साबित हुआ। युवराज ने ड्राइव करने के प्रयास में एक्स्ट्रा कवर पर खड़े कीरेन पावेल को सीधा कैच थमाया। अगली गेंद पर पठान असमंजस की स्थिति में स्लिप में कैच दे बैठे। पिछले मैच में 123 रन बनाने वाले युवराज ने 58 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कमिन्स ने जाधव और ओझा को आउट करके भारत की रही-सही उम्मीद भी खत्म कर दी।
इससे पहले सुबह भारतीय तेज गेंदबाज आर विनयकुमार (56 रन पर तीन विकेट) ने परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाया। कैरेबियाई कप्तान कीरन पावेल (4) ने उनकी गेंद पर विकेटकीपर ओझा को आसान कैच थमाया। कर्नाटक के इस गेंदबाज ने अपने अगले ओवर में बाउंसर पर आंद्रे फ्लैचर (15) को विकेट के पीछे कैच देने के लिए मजबूर किया।टिप्पणियां
विनयकुमार के एक ओवर में तीन चौके जड़ने के बाद एडवर्ड्स को रन बनाने के लिए जूझना पड़ा। उन्होंने 28वें ओवर में पठान की पहली गेंद पर छक्का जमाया, लेकिन अगली गेंद आगे खेलने के प्रयास में चूक गए और ओझा ने उन्हें स्टंप आउट कर दिया। नए बल्लेबाज आंद्रे रसेल (12) ने आते ही दो छक्के जड़े, लेकिन पठान के इसी ओवर में उन्होंने लॉन्ग ऑन पर कैच दे दिया।
वेस्ट इंडीज 'ए' का स्कोर जब चार विकेट पर 112 रन था, तब कार्टर और जॉनसन ने बड़ी साझेदारी निभाई। इन दोनों ने ढीली गेंदों का इंतजार किया और बड़े शॉट खेलने से भी परहेज नहीं किया। विनयकुमार ने 46वें ओवर में जॉनसन को आउट करके यह साझेदारी तोड़ी। उन्होंने अपनी पारी में 46 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कार्टर को आखिर में उनादकट ने एलबीडब्ल्यू आउट किया। डेवोन थामस 13 और एशले नुर्स 12 रन बनाकर नाबाद रहे। तीसरा और आखिरी मैच 19 सितंबर को बेंगलुरू में ही खेला जाएगा।
पहले मैच में 77 रन से जीत दर्ज करने वाली भारतीय टीम की तरफ से कोई भी बल्लेबाज बड़ी पारी नहीं खेल पाया और आखिर में पूरी टीम 48.4 ओवर में 224 रन पर ढेर हो गई। 23-वर्षीय कमिन्स ने 31 रन देकर चार विकेट लिए, जो लिस्ट 'ए' में उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। कार्टर ने गेंदबाजी में भी कमाल दिखाया तथा 33 रन देकर दो विकेट लिए। बाएं हाथ के स्पिनर निकिता मिलर ने अपने एक ओवर में दो विकेट लेकर वेस्टइंडीज 'ए' की जीत में अहम योगदान दिया।
भारत की शुरुआत अच्छी नहीं रही। उसके चोटी के पांच बल्लेबाज 114 रन पर पैवेलियन लौट गए थे। इनमें पिछले मैच में शतक जड़ने वाले युवराज सिंह (40) तथा अर्द्धशतकीय पारियां खेलने वाले मनदीप सिंह (03) और यूसुफ पठान (0) भी शामिल थे। सलामी बल्लेबाज उन्मुक्त चंद (38) क्रीज पर काफी समय बिताने के बावजूद बड़ी पारी नहीं खेल पाए। केदार जाधव (35) और नमन ओझा (34) तेजी से रन बनाने के दबाव में पैवेलियन लौटे।
युवराज और उन्मुक्त ने तीसरे विकेट के लिए 64 रन की साझेदारी की, लेकिन वे अपेक्षित तेजी से रन नहीं बना पाए। उन्मुक्त ने कार्टर की लगातार गेंदों पर छक्का और चौका लगाया, लेकिन इसके बाद वह जल्द ही पैवेलियन लौट गए। उन्होंने एशले नुर्स की गेंद पर लॉन्ग ऑन पर कैच थमाने से पहले 72 गेंदों का सामना किया तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया।
बाएं हाथ के स्पिनर निकिता मिलर का पारी का 28वां ओवर भारत के लिए घातक साबित हुआ। युवराज ने ड्राइव करने के प्रयास में एक्स्ट्रा कवर पर खड़े कीरेन पावेल को सीधा कैच थमाया। अगली गेंद पर पठान असमंजस की स्थिति में स्लिप में कैच दे बैठे। पिछले मैच में 123 रन बनाने वाले युवराज ने 58 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कमिन्स ने जाधव और ओझा को आउट करके भारत की रही-सही उम्मीद भी खत्म कर दी।
इससे पहले सुबह भारतीय तेज गेंदबाज आर विनयकुमार (56 रन पर तीन विकेट) ने परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाया। कैरेबियाई कप्तान कीरन पावेल (4) ने उनकी गेंद पर विकेटकीपर ओझा को आसान कैच थमाया। कर्नाटक के इस गेंदबाज ने अपने अगले ओवर में बाउंसर पर आंद्रे फ्लैचर (15) को विकेट के पीछे कैच देने के लिए मजबूर किया।टिप्पणियां
विनयकुमार के एक ओवर में तीन चौके जड़ने के बाद एडवर्ड्स को रन बनाने के लिए जूझना पड़ा। उन्होंने 28वें ओवर में पठान की पहली गेंद पर छक्का जमाया, लेकिन अगली गेंद आगे खेलने के प्रयास में चूक गए और ओझा ने उन्हें स्टंप आउट कर दिया। नए बल्लेबाज आंद्रे रसेल (12) ने आते ही दो छक्के जड़े, लेकिन पठान के इसी ओवर में उन्होंने लॉन्ग ऑन पर कैच दे दिया।
वेस्ट इंडीज 'ए' का स्कोर जब चार विकेट पर 112 रन था, तब कार्टर और जॉनसन ने बड़ी साझेदारी निभाई। इन दोनों ने ढीली गेंदों का इंतजार किया और बड़े शॉट खेलने से भी परहेज नहीं किया। विनयकुमार ने 46वें ओवर में जॉनसन को आउट करके यह साझेदारी तोड़ी। उन्होंने अपनी पारी में 46 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कार्टर को आखिर में उनादकट ने एलबीडब्ल्यू आउट किया। डेवोन थामस 13 और एशले नुर्स 12 रन बनाकर नाबाद रहे। तीसरा और आखिरी मैच 19 सितंबर को बेंगलुरू में ही खेला जाएगा।
भारत की शुरुआत अच्छी नहीं रही। उसके चोटी के पांच बल्लेबाज 114 रन पर पैवेलियन लौट गए थे। इनमें पिछले मैच में शतक जड़ने वाले युवराज सिंह (40) तथा अर्द्धशतकीय पारियां खेलने वाले मनदीप सिंह (03) और यूसुफ पठान (0) भी शामिल थे। सलामी बल्लेबाज उन्मुक्त चंद (38) क्रीज पर काफी समय बिताने के बावजूद बड़ी पारी नहीं खेल पाए। केदार जाधव (35) और नमन ओझा (34) तेजी से रन बनाने के दबाव में पैवेलियन लौटे।
युवराज और उन्मुक्त ने तीसरे विकेट के लिए 64 रन की साझेदारी की, लेकिन वे अपेक्षित तेजी से रन नहीं बना पाए। उन्मुक्त ने कार्टर की लगातार गेंदों पर छक्का और चौका लगाया, लेकिन इसके बाद वह जल्द ही पैवेलियन लौट गए। उन्होंने एशले नुर्स की गेंद पर लॉन्ग ऑन पर कैच थमाने से पहले 72 गेंदों का सामना किया तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया।
बाएं हाथ के स्पिनर निकिता मिलर का पारी का 28वां ओवर भारत के लिए घातक साबित हुआ। युवराज ने ड्राइव करने के प्रयास में एक्स्ट्रा कवर पर खड़े कीरेन पावेल को सीधा कैच थमाया। अगली गेंद पर पठान असमंजस की स्थिति में स्लिप में कैच दे बैठे। पिछले मैच में 123 रन बनाने वाले युवराज ने 58 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कमिन्स ने जाधव और ओझा को आउट करके भारत की रही-सही उम्मीद भी खत्म कर दी।
इससे पहले सुबह भारतीय तेज गेंदबाज आर विनयकुमार (56 रन पर तीन विकेट) ने परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाया। कैरेबियाई कप्तान कीरन पावेल (4) ने उनकी गेंद पर विकेटकीपर ओझा को आसान कैच थमाया। कर्नाटक के इस गेंदबाज ने अपने अगले ओवर में बाउंसर पर आंद्रे फ्लैचर (15) को विकेट के पीछे कैच देने के लिए मजबूर किया।टिप्पणियां
विनयकुमार के एक ओवर में तीन चौके जड़ने के बाद एडवर्ड्स को रन बनाने के लिए जूझना पड़ा। उन्होंने 28वें ओवर में पठान की पहली गेंद पर छक्का जमाया, लेकिन अगली गेंद आगे खेलने के प्रयास में चूक गए और ओझा ने उन्हें स्टंप आउट कर दिया। नए बल्लेबाज आंद्रे रसेल (12) ने आते ही दो छक्के जड़े, लेकिन पठान के इसी ओवर में उन्होंने लॉन्ग ऑन पर कैच दे दिया।
वेस्ट इंडीज 'ए' का स्कोर जब चार विकेट पर 112 रन था, तब कार्टर और जॉनसन ने बड़ी साझेदारी निभाई। इन दोनों ने ढीली गेंदों का इंतजार किया और बड़े शॉट खेलने से भी परहेज नहीं किया। विनयकुमार ने 46वें ओवर में जॉनसन को आउट करके यह साझेदारी तोड़ी। उन्होंने अपनी पारी में 46 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कार्टर को आखिर में उनादकट ने एलबीडब्ल्यू आउट किया। डेवोन थामस 13 और एशले नुर्स 12 रन बनाकर नाबाद रहे। तीसरा और आखिरी मैच 19 सितंबर को बेंगलुरू में ही खेला जाएगा।
युवराज और उन्मुक्त ने तीसरे विकेट के लिए 64 रन की साझेदारी की, लेकिन वे अपेक्षित तेजी से रन नहीं बना पाए। उन्मुक्त ने कार्टर की लगातार गेंदों पर छक्का और चौका लगाया, लेकिन इसके बाद वह जल्द ही पैवेलियन लौट गए। उन्होंने एशले नुर्स की गेंद पर लॉन्ग ऑन पर कैच थमाने से पहले 72 गेंदों का सामना किया तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया।
बाएं हाथ के स्पिनर निकिता मिलर का पारी का 28वां ओवर भारत के लिए घातक साबित हुआ। युवराज ने ड्राइव करने के प्रयास में एक्स्ट्रा कवर पर खड़े कीरेन पावेल को सीधा कैच थमाया। अगली गेंद पर पठान असमंजस की स्थिति में स्लिप में कैच दे बैठे। पिछले मैच में 123 रन बनाने वाले युवराज ने 58 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कमिन्स ने जाधव और ओझा को आउट करके भारत की रही-सही उम्मीद भी खत्म कर दी।
इससे पहले सुबह भारतीय तेज गेंदबाज आर विनयकुमार (56 रन पर तीन विकेट) ने परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाया। कैरेबियाई कप्तान कीरन पावेल (4) ने उनकी गेंद पर विकेटकीपर ओझा को आसान कैच थमाया। कर्नाटक के इस गेंदबाज ने अपने अगले ओवर में बाउंसर पर आंद्रे फ्लैचर (15) को विकेट के पीछे कैच देने के लिए मजबूर किया।टिप्पणियां
विनयकुमार के एक ओवर में तीन चौके जड़ने के बाद एडवर्ड्स को रन बनाने के लिए जूझना पड़ा। उन्होंने 28वें ओवर में पठान की पहली गेंद पर छक्का जमाया, लेकिन अगली गेंद आगे खेलने के प्रयास में चूक गए और ओझा ने उन्हें स्टंप आउट कर दिया। नए बल्लेबाज आंद्रे रसेल (12) ने आते ही दो छक्के जड़े, लेकिन पठान के इसी ओवर में उन्होंने लॉन्ग ऑन पर कैच दे दिया।
वेस्ट इंडीज 'ए' का स्कोर जब चार विकेट पर 112 रन था, तब कार्टर और जॉनसन ने बड़ी साझेदारी निभाई। इन दोनों ने ढीली गेंदों का इंतजार किया और बड़े शॉट खेलने से भी परहेज नहीं किया। विनयकुमार ने 46वें ओवर में जॉनसन को आउट करके यह साझेदारी तोड़ी। उन्होंने अपनी पारी में 46 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कार्टर को आखिर में उनादकट ने एलबीडब्ल्यू आउट किया। डेवोन थामस 13 और एशले नुर्स 12 रन बनाकर नाबाद रहे। तीसरा और आखिरी मैच 19 सितंबर को बेंगलुरू में ही खेला जाएगा।
बाएं हाथ के स्पिनर निकिता मिलर का पारी का 28वां ओवर भारत के लिए घातक साबित हुआ। युवराज ने ड्राइव करने के प्रयास में एक्स्ट्रा कवर पर खड़े कीरेन पावेल को सीधा कैच थमाया। अगली गेंद पर पठान असमंजस की स्थिति में स्लिप में कैच दे बैठे। पिछले मैच में 123 रन बनाने वाले युवराज ने 58 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कमिन्स ने जाधव और ओझा को आउट करके भारत की रही-सही उम्मीद भी खत्म कर दी।
इससे पहले सुबह भारतीय तेज गेंदबाज आर विनयकुमार (56 रन पर तीन विकेट) ने परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाया। कैरेबियाई कप्तान कीरन पावेल (4) ने उनकी गेंद पर विकेटकीपर ओझा को आसान कैच थमाया। कर्नाटक के इस गेंदबाज ने अपने अगले ओवर में बाउंसर पर आंद्रे फ्लैचर (15) को विकेट के पीछे कैच देने के लिए मजबूर किया।टिप्पणियां
विनयकुमार के एक ओवर में तीन चौके जड़ने के बाद एडवर्ड्स को रन बनाने के लिए जूझना पड़ा। उन्होंने 28वें ओवर में पठान की पहली गेंद पर छक्का जमाया, लेकिन अगली गेंद आगे खेलने के प्रयास में चूक गए और ओझा ने उन्हें स्टंप आउट कर दिया। नए बल्लेबाज आंद्रे रसेल (12) ने आते ही दो छक्के जड़े, लेकिन पठान के इसी ओवर में उन्होंने लॉन्ग ऑन पर कैच दे दिया।
वेस्ट इंडीज 'ए' का स्कोर जब चार विकेट पर 112 रन था, तब कार्टर और जॉनसन ने बड़ी साझेदारी निभाई। इन दोनों ने ढीली गेंदों का इंतजार किया और बड़े शॉट खेलने से भी परहेज नहीं किया। विनयकुमार ने 46वें ओवर में जॉनसन को आउट करके यह साझेदारी तोड़ी। उन्होंने अपनी पारी में 46 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कार्टर को आखिर में उनादकट ने एलबीडब्ल्यू आउट किया। डेवोन थामस 13 और एशले नुर्स 12 रन बनाकर नाबाद रहे। तीसरा और आखिरी मैच 19 सितंबर को बेंगलुरू में ही खेला जाएगा।
इससे पहले सुबह भारतीय तेज गेंदबाज आर विनयकुमार (56 रन पर तीन विकेट) ने परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाया। कैरेबियाई कप्तान कीरन पावेल (4) ने उनकी गेंद पर विकेटकीपर ओझा को आसान कैच थमाया। कर्नाटक के इस गेंदबाज ने अपने अगले ओवर में बाउंसर पर आंद्रे फ्लैचर (15) को विकेट के पीछे कैच देने के लिए मजबूर किया।टिप्पणियां
विनयकुमार के एक ओवर में तीन चौके जड़ने के बाद एडवर्ड्स को रन बनाने के लिए जूझना पड़ा। उन्होंने 28वें ओवर में पठान की पहली गेंद पर छक्का जमाया, लेकिन अगली गेंद आगे खेलने के प्रयास में चूक गए और ओझा ने उन्हें स्टंप आउट कर दिया। नए बल्लेबाज आंद्रे रसेल (12) ने आते ही दो छक्के जड़े, लेकिन पठान के इसी ओवर में उन्होंने लॉन्ग ऑन पर कैच दे दिया।
वेस्ट इंडीज 'ए' का स्कोर जब चार विकेट पर 112 रन था, तब कार्टर और जॉनसन ने बड़ी साझेदारी निभाई। इन दोनों ने ढीली गेंदों का इंतजार किया और बड़े शॉट खेलने से भी परहेज नहीं किया। विनयकुमार ने 46वें ओवर में जॉनसन को आउट करके यह साझेदारी तोड़ी। उन्होंने अपनी पारी में 46 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कार्टर को आखिर में उनादकट ने एलबीडब्ल्यू आउट किया। डेवोन थामस 13 और एशले नुर्स 12 रन बनाकर नाबाद रहे। तीसरा और आखिरी मैच 19 सितंबर को बेंगलुरू में ही खेला जाएगा।
विनयकुमार के एक ओवर में तीन चौके जड़ने के बाद एडवर्ड्स को रन बनाने के लिए जूझना पड़ा। उन्होंने 28वें ओवर में पठान की पहली गेंद पर छक्का जमाया, लेकिन अगली गेंद आगे खेलने के प्रयास में चूक गए और ओझा ने उन्हें स्टंप आउट कर दिया। नए बल्लेबाज आंद्रे रसेल (12) ने आते ही दो छक्के जड़े, लेकिन पठान के इसी ओवर में उन्होंने लॉन्ग ऑन पर कैच दे दिया।
वेस्ट इंडीज 'ए' का स्कोर जब चार विकेट पर 112 रन था, तब कार्टर और जॉनसन ने बड़ी साझेदारी निभाई। इन दोनों ने ढीली गेंदों का इंतजार किया और बड़े शॉट खेलने से भी परहेज नहीं किया। विनयकुमार ने 46वें ओवर में जॉनसन को आउट करके यह साझेदारी तोड़ी। उन्होंने अपनी पारी में 46 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कार्टर को आखिर में उनादकट ने एलबीडब्ल्यू आउट किया। डेवोन थामस 13 और एशले नुर्स 12 रन बनाकर नाबाद रहे। तीसरा और आखिरी मैच 19 सितंबर को बेंगलुरू में ही खेला जाएगा।
वेस्ट इंडीज 'ए' का स्कोर जब चार विकेट पर 112 रन था, तब कार्टर और जॉनसन ने बड़ी साझेदारी निभाई। इन दोनों ने ढीली गेंदों का इंतजार किया और बड़े शॉट खेलने से भी परहेज नहीं किया। विनयकुमार ने 46वें ओवर में जॉनसन को आउट करके यह साझेदारी तोड़ी। उन्होंने अपनी पारी में 46 गेंदें खेलीं तथा तीन चौके और एक छक्का लगाया। कार्टर को आखिर में उनादकट ने एलबीडब्ल्यू आउट किया। डेवोन थामस 13 और एशले नुर्स 12 रन बनाकर नाबाद रहे। तीसरा और आखिरी मैच 19 सितंबर को बेंगलुरू में ही खेला जाएगा। | यह एक सारांश है: ऑलराउंडर जोनाथन कार्टर के करियर के पहले शतक और तेज गेंदबाज मिगुएल कमिन्स की सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी के दम पर वेस्ट इंडीज 'ए' ने दूसरे अनधिकृत एक-दिवसीय मैच में भारत 'ए' को 55 रन से हराकर तीन मैचों की शृंखला 1-1 से बराबर कर दी। | 2 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: रूस ने बहुप्रतीक्षित परमाणु पनडुब्बी नेर्पा दस साल की लीज पर पर शुक्रवार को भारत को सौंपी जिससे भारतीय नौसेना की मारक क्षमता में इजाफा होगा। अकुला द्वितीय श्रेणी नेर्पा परमाणु पनडुब्बी ने हाल ही में समुद्री परीक्षण पूरे किए हैं।
संवाद समिति इतर तास के अनुसार रूसी नौसेना के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘हस्ताक्षर कार्यक्रम कल प्रिमोरये क्षेत्र में स्थित बोलशोई कामन जहाज निर्माण केंद्र में हुआ जहां नेर्पा है।’ दस साल की लीज पर सौंपी जा रही इस पनडुब्बी का सौदा 92 करोड़ डॉलर का है। संवाद समिति की खबर में कहा गया है कि एक भारतीय चालक दल अकुला द्वितीय श्रेणी पनडुब्बी को जनवरी के आखिर तक स्वदेश ले जाएगा।
अधिकारी ने कहा, ‘(इस पनडुब्बी पर) नौसेना संबंधी सभी परीक्षण और प्रदर्शन संबंधी जांच पूरी कर ली गयी है।’ महीनों तक पानी के अंदर रहने में सक्षम इस पनडुब्बी का नाम आईएनएस चक्र रखा जाएगा । दो दशक से अधिक समय में यह पहला मौका होगा कि भारतीय नौसेना के पास परमाणु पनडुब्बी होगी। रूस की ओर से नेर्पा सौंपे जाने के बाद भारत दुनिया में परमाणु पनडुब्बियों का छठा संचालक हो जाएगा। इस महीने के प्रारंभ में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की रूस यात्रा के दौरान नेर्पा सौदा का मुद्दा उठा था।
दरअसल नेर्पा वर्ष 2008 में ही भारत को सौंपी जानी थी लेकिन उसी साल आठ नवंबर को समुद्री परीक्षण के दौरान हादसा हो जाने के बाद रूस प्रशासन ने इसे ठंडे बस्ते में डाल दिया। परीक्षण के दौरान अग्निशामक गैस के रिसाव होने से 20लोगों की मौत हो गयी जिनमें ज्यादातर नागरिक थे।
अकुला द्वितीय श्रेणी नेर्पा पनडुब्बी में 28 परमाणु सक्षम क्रूज मिसाइलें लगी हैं और उसकी मारक क्षमता 3000 किलोमीटर तक है। भारतीय संस्करण में 300 किलोमीटर क्लब परमाणु सक्षम मिसाइल लगी होने की संभावना है। भारत ने 1991 में सोनिवत संघ के विघटन से पहले अमूर शिपयार्ड में नेर्पा परमाणु पनडुब्बी का निर्माण पूरा करने में धन प्रदान किया था। | सारांश: रूस ने बहुप्रतीक्षित परमाणु पनडुब्बी नेर्पा दस साल की लीज पर पर शुक्रवार को भारत को सौंपी जिससे भारतीय नौसेना की मारक क्षमता में इजाफा होगा। | 5 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: केंद्र सरकार ने सोमवार को लोकसभा में बताया कि 42 भारतीय इस समय सोमालियाई समुद्री डाकुओं के कब्जे में हैं। पोत परिवहन मंत्री जी के वासन ने मधुसूदन यादव के सवाल के लिखित जवाब में यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि सरकार ने समुद्री डकैतों के आक्रमणों को रोकने और बंधकों की सुरक्षित रिहाई के लिए कई कदम उठाए हैं। इनमें सलालाह और माले को जोड़ने वाली रेखा के दक्षिण या पश्चिम जलक्षेत्र में जलयानों की आवाजाही पर प्रतिबंध लगाना और वर्ष 2008 से अदन की खाड़ी में भारतीय नौसेना पोतों द्वारा नौसेना सुरक्षा उपलब्ध करवाना शामिल है।
उन्होंने बताया कि सरकार ने समुद्री डकैतों के आक्रमणों को रोकने और बंधकों की सुरक्षित रिहाई के लिए कई कदम उठाए हैं। इनमें सलालाह और माले को जोड़ने वाली रेखा के दक्षिण या पश्चिम जलक्षेत्र में जलयानों की आवाजाही पर प्रतिबंध लगाना और वर्ष 2008 से अदन की खाड़ी में भारतीय नौसेना पोतों द्वारा नौसेना सुरक्षा उपलब्ध करवाना शामिल है। | यहाँ एक सारांश है:केंद्र सरकार ने सोमवार को लोकसभा में बताया कि 42 भारतीय इस समय सोमालियाई समुद्री डाकुओं के कब्जे में हैं। पोत परिवहन मंत्री जी के वासन ने मधुसूदन यादव के सवाल के लिखित जवाब में यह जानकारी दी। | 4 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारतीय तटीय इलाकों में बुधवार को शुरू हुई सबसे बड़ी सुनामी मॉक ड्रिल के लिए जौरदार तैयारियां की गई हैं, और इसके दौरान हिन्द महासागर में सचमुच बेहद बड़ी और 'जानलेवा' सुनामी पैदा की जाएंगी. यूनेस्को (UNESCO) द्वारा संयोजित और हिन्द महासागर में की जाने वाली इस मॉक ड्रिल में कुल मिलाकर 23 देश भाग ले रहे हैं.
आमतौर पर समुद्र की तलहटी में जोरदार भूकंप आने, भूस्खलन होने या कभी-कभी ज्वालामुखी फटने के कारण सुनामी आती है. इन भूगर्भीय घटनाओं की वजह से उत्सर्जित ऊर्जा लहरों की शक्ल में बहुत लंबी दूरी तय करती है, और तटीय इलाकों में भारी तबाही मचाती है. भारत के अधिकतर समुद्रतटीय इलाके में सुनामी आने की आशंका हमेशा बनी रहती है, और इस तरह की मॉक ड्रिल व्यवस्था को अलर्ट रखती हैं, ताकि वास्तव में ऐसी आपात स्थिति पैदा होने पर निपटने में आसानी हो.
पहली ड्रिल बुधवार सुबह 8:30 बजे शुरू हई, जिसके तहत सुमात्रा के दक्षिण में 9.2 तीव्रता वाला भूकंप पैदा किया जा रहा है. वैसे, इस इलाके में वास्तव में भूकंप आने पर जो सुनामी आएगी, उसकी चपेट में अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह और चेन्नई समेत भारत का समूचा पूर्वी तट आ जाएगा.
भूकंपीय घटना को हैदराबाद स्थित अत्याधुनिक इंडियन सुनामी अर्ली वार्निंग सेंटर (भारतीय सुनामी पूर्व चेतावनी केंद्र) में दर्ज किया जाएगा, और 10 मिनट के भीतर ही सेंटर पहली चेतावनी जारी कर देगा.
चेतावनी जारी होने के बाद लगभग 40,000 लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए विशेष तैयारियां की जा रही हैं. इंडोनेशियाई इलाके से पैदा हुई किसी सुनामी को भारतीय तटों तक पहुंचने में आमतौर पर तीन घंटे लगते हैं, सो, लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए पर्याप्त समय मिल सकता है. यह ड्रिल 15 घंटे से भी ज़्यादा चलने की संभावना है.
गुरुवार को ईरान और पाकिस्तान के दक्षिण में मकरान ट्रेंच में 9 तीव्रता वाला भूकंप पैदा किया जाएगा, जिसके परिणामस्वरूप पैदा होने वाली सुनामी की चपेट में भारत का पश्चिमी तट आएगा, जिसमें मुंबई भी शामिल होगी.
सुनामी वार्निंग नेटवर्क की स्थापना वर्ष 2004 में की गई थी, जब एक भयावह सुनामी की वजह से हिन्द महासागर के इलाके में तीन लाख से ज़्यादा लोगों की मौत हो गई थी. वह सुनामी इंडोनेशिया में 9.3 तीव्रता वाला भूकंप आने से पैदा हुई थी.
भारत ने अपना सुनामी वार्निंग सेंटर वर्ष 2007 में स्थापित किया था, जिसमें 85 करोड़ रुपये की लागत आई थी. यह सेंटर चेतावनी जारी करने के लिए नेटवर्क से जुड़े उपग्रहों तथा गहरे समुद्र में लगाए गए तैरने वाले चिह्नों का इस्तेमाल करता है. पाकिस्ता को भी भारत ही सुनामी की पूर्व चेतावनी दिया करता है.
वर्ष 2007 से अब तक सुनामी वार्निंग सेंटर ने वास्तविक सुनामी की आठ चेतावनियां जारी की हैं, और उसके निदेशक एससी शेनॉय का कहना है, "आज तक कभी कोई गलत चेतावनी जारी नहीं की गई..." यह अपने आप में बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर से अब तक कई बार गलत चेतावनियां जारी हुई हैं, जिससे इस व्यवस्था में लोगों का विश्वास कम होता जा रहा है.टिप्पणियां
एससी शेनॉय ने बताया कि भारत के कलपक्कम, कुडनकुलम और तारापुर स्थित परमाणु संयंत्र, जिन पर सुनामी का असर पड़ सकता है, इस मॉक ड्रिल में भाग नहीं लेगे.
वर्ष 2011 में जापान के फुकुशिमा में हुआ नाभिकीय हादसा एक सुनामी के परमाणु संयंत्र से टकराने की वजह से ही हुआ था, और उसके बाद से ही समुद्रतटीय इलाकों में बने आणविक संयंत्रों को लेकर विश्वभर में चिंता व्याप्त रहती है.
आमतौर पर समुद्र की तलहटी में जोरदार भूकंप आने, भूस्खलन होने या कभी-कभी ज्वालामुखी फटने के कारण सुनामी आती है. इन भूगर्भीय घटनाओं की वजह से उत्सर्जित ऊर्जा लहरों की शक्ल में बहुत लंबी दूरी तय करती है, और तटीय इलाकों में भारी तबाही मचाती है. भारत के अधिकतर समुद्रतटीय इलाके में सुनामी आने की आशंका हमेशा बनी रहती है, और इस तरह की मॉक ड्रिल व्यवस्था को अलर्ट रखती हैं, ताकि वास्तव में ऐसी आपात स्थिति पैदा होने पर निपटने में आसानी हो.
पहली ड्रिल बुधवार सुबह 8:30 बजे शुरू हई, जिसके तहत सुमात्रा के दक्षिण में 9.2 तीव्रता वाला भूकंप पैदा किया जा रहा है. वैसे, इस इलाके में वास्तव में भूकंप आने पर जो सुनामी आएगी, उसकी चपेट में अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह और चेन्नई समेत भारत का समूचा पूर्वी तट आ जाएगा.
भूकंपीय घटना को हैदराबाद स्थित अत्याधुनिक इंडियन सुनामी अर्ली वार्निंग सेंटर (भारतीय सुनामी पूर्व चेतावनी केंद्र) में दर्ज किया जाएगा, और 10 मिनट के भीतर ही सेंटर पहली चेतावनी जारी कर देगा.
चेतावनी जारी होने के बाद लगभग 40,000 लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए विशेष तैयारियां की जा रही हैं. इंडोनेशियाई इलाके से पैदा हुई किसी सुनामी को भारतीय तटों तक पहुंचने में आमतौर पर तीन घंटे लगते हैं, सो, लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए पर्याप्त समय मिल सकता है. यह ड्रिल 15 घंटे से भी ज़्यादा चलने की संभावना है.
गुरुवार को ईरान और पाकिस्तान के दक्षिण में मकरान ट्रेंच में 9 तीव्रता वाला भूकंप पैदा किया जाएगा, जिसके परिणामस्वरूप पैदा होने वाली सुनामी की चपेट में भारत का पश्चिमी तट आएगा, जिसमें मुंबई भी शामिल होगी.
सुनामी वार्निंग नेटवर्क की स्थापना वर्ष 2004 में की गई थी, जब एक भयावह सुनामी की वजह से हिन्द महासागर के इलाके में तीन लाख से ज़्यादा लोगों की मौत हो गई थी. वह सुनामी इंडोनेशिया में 9.3 तीव्रता वाला भूकंप आने से पैदा हुई थी.
भारत ने अपना सुनामी वार्निंग सेंटर वर्ष 2007 में स्थापित किया था, जिसमें 85 करोड़ रुपये की लागत आई थी. यह सेंटर चेतावनी जारी करने के लिए नेटवर्क से जुड़े उपग्रहों तथा गहरे समुद्र में लगाए गए तैरने वाले चिह्नों का इस्तेमाल करता है. पाकिस्ता को भी भारत ही सुनामी की पूर्व चेतावनी दिया करता है.
वर्ष 2007 से अब तक सुनामी वार्निंग सेंटर ने वास्तविक सुनामी की आठ चेतावनियां जारी की हैं, और उसके निदेशक एससी शेनॉय का कहना है, "आज तक कभी कोई गलत चेतावनी जारी नहीं की गई..." यह अपने आप में बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर से अब तक कई बार गलत चेतावनियां जारी हुई हैं, जिससे इस व्यवस्था में लोगों का विश्वास कम होता जा रहा है.टिप्पणियां
एससी शेनॉय ने बताया कि भारत के कलपक्कम, कुडनकुलम और तारापुर स्थित परमाणु संयंत्र, जिन पर सुनामी का असर पड़ सकता है, इस मॉक ड्रिल में भाग नहीं लेगे.
वर्ष 2011 में जापान के फुकुशिमा में हुआ नाभिकीय हादसा एक सुनामी के परमाणु संयंत्र से टकराने की वजह से ही हुआ था, और उसके बाद से ही समुद्रतटीय इलाकों में बने आणविक संयंत्रों को लेकर विश्वभर में चिंता व्याप्त रहती है.
पहली ड्रिल बुधवार सुबह 8:30 बजे शुरू हई, जिसके तहत सुमात्रा के दक्षिण में 9.2 तीव्रता वाला भूकंप पैदा किया जा रहा है. वैसे, इस इलाके में वास्तव में भूकंप आने पर जो सुनामी आएगी, उसकी चपेट में अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह और चेन्नई समेत भारत का समूचा पूर्वी तट आ जाएगा.
भूकंपीय घटना को हैदराबाद स्थित अत्याधुनिक इंडियन सुनामी अर्ली वार्निंग सेंटर (भारतीय सुनामी पूर्व चेतावनी केंद्र) में दर्ज किया जाएगा, और 10 मिनट के भीतर ही सेंटर पहली चेतावनी जारी कर देगा.
चेतावनी जारी होने के बाद लगभग 40,000 लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए विशेष तैयारियां की जा रही हैं. इंडोनेशियाई इलाके से पैदा हुई किसी सुनामी को भारतीय तटों तक पहुंचने में आमतौर पर तीन घंटे लगते हैं, सो, लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए पर्याप्त समय मिल सकता है. यह ड्रिल 15 घंटे से भी ज़्यादा चलने की संभावना है.
गुरुवार को ईरान और पाकिस्तान के दक्षिण में मकरान ट्रेंच में 9 तीव्रता वाला भूकंप पैदा किया जाएगा, जिसके परिणामस्वरूप पैदा होने वाली सुनामी की चपेट में भारत का पश्चिमी तट आएगा, जिसमें मुंबई भी शामिल होगी.
सुनामी वार्निंग नेटवर्क की स्थापना वर्ष 2004 में की गई थी, जब एक भयावह सुनामी की वजह से हिन्द महासागर के इलाके में तीन लाख से ज़्यादा लोगों की मौत हो गई थी. वह सुनामी इंडोनेशिया में 9.3 तीव्रता वाला भूकंप आने से पैदा हुई थी.
भारत ने अपना सुनामी वार्निंग सेंटर वर्ष 2007 में स्थापित किया था, जिसमें 85 करोड़ रुपये की लागत आई थी. यह सेंटर चेतावनी जारी करने के लिए नेटवर्क से जुड़े उपग्रहों तथा गहरे समुद्र में लगाए गए तैरने वाले चिह्नों का इस्तेमाल करता है. पाकिस्ता को भी भारत ही सुनामी की पूर्व चेतावनी दिया करता है.
वर्ष 2007 से अब तक सुनामी वार्निंग सेंटर ने वास्तविक सुनामी की आठ चेतावनियां जारी की हैं, और उसके निदेशक एससी शेनॉय का कहना है, "आज तक कभी कोई गलत चेतावनी जारी नहीं की गई..." यह अपने आप में बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर से अब तक कई बार गलत चेतावनियां जारी हुई हैं, जिससे इस व्यवस्था में लोगों का विश्वास कम होता जा रहा है.टिप्पणियां
एससी शेनॉय ने बताया कि भारत के कलपक्कम, कुडनकुलम और तारापुर स्थित परमाणु संयंत्र, जिन पर सुनामी का असर पड़ सकता है, इस मॉक ड्रिल में भाग नहीं लेगे.
वर्ष 2011 में जापान के फुकुशिमा में हुआ नाभिकीय हादसा एक सुनामी के परमाणु संयंत्र से टकराने की वजह से ही हुआ था, और उसके बाद से ही समुद्रतटीय इलाकों में बने आणविक संयंत्रों को लेकर विश्वभर में चिंता व्याप्त रहती है.
भूकंपीय घटना को हैदराबाद स्थित अत्याधुनिक इंडियन सुनामी अर्ली वार्निंग सेंटर (भारतीय सुनामी पूर्व चेतावनी केंद्र) में दर्ज किया जाएगा, और 10 मिनट के भीतर ही सेंटर पहली चेतावनी जारी कर देगा.
चेतावनी जारी होने के बाद लगभग 40,000 लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए विशेष तैयारियां की जा रही हैं. इंडोनेशियाई इलाके से पैदा हुई किसी सुनामी को भारतीय तटों तक पहुंचने में आमतौर पर तीन घंटे लगते हैं, सो, लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए पर्याप्त समय मिल सकता है. यह ड्रिल 15 घंटे से भी ज़्यादा चलने की संभावना है.
गुरुवार को ईरान और पाकिस्तान के दक्षिण में मकरान ट्रेंच में 9 तीव्रता वाला भूकंप पैदा किया जाएगा, जिसके परिणामस्वरूप पैदा होने वाली सुनामी की चपेट में भारत का पश्चिमी तट आएगा, जिसमें मुंबई भी शामिल होगी.
सुनामी वार्निंग नेटवर्क की स्थापना वर्ष 2004 में की गई थी, जब एक भयावह सुनामी की वजह से हिन्द महासागर के इलाके में तीन लाख से ज़्यादा लोगों की मौत हो गई थी. वह सुनामी इंडोनेशिया में 9.3 तीव्रता वाला भूकंप आने से पैदा हुई थी.
भारत ने अपना सुनामी वार्निंग सेंटर वर्ष 2007 में स्थापित किया था, जिसमें 85 करोड़ रुपये की लागत आई थी. यह सेंटर चेतावनी जारी करने के लिए नेटवर्क से जुड़े उपग्रहों तथा गहरे समुद्र में लगाए गए तैरने वाले चिह्नों का इस्तेमाल करता है. पाकिस्ता को भी भारत ही सुनामी की पूर्व चेतावनी दिया करता है.
वर्ष 2007 से अब तक सुनामी वार्निंग सेंटर ने वास्तविक सुनामी की आठ चेतावनियां जारी की हैं, और उसके निदेशक एससी शेनॉय का कहना है, "आज तक कभी कोई गलत चेतावनी जारी नहीं की गई..." यह अपने आप में बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर से अब तक कई बार गलत चेतावनियां जारी हुई हैं, जिससे इस व्यवस्था में लोगों का विश्वास कम होता जा रहा है.टिप्पणियां
एससी शेनॉय ने बताया कि भारत के कलपक्कम, कुडनकुलम और तारापुर स्थित परमाणु संयंत्र, जिन पर सुनामी का असर पड़ सकता है, इस मॉक ड्रिल में भाग नहीं लेगे.
वर्ष 2011 में जापान के फुकुशिमा में हुआ नाभिकीय हादसा एक सुनामी के परमाणु संयंत्र से टकराने की वजह से ही हुआ था, और उसके बाद से ही समुद्रतटीय इलाकों में बने आणविक संयंत्रों को लेकर विश्वभर में चिंता व्याप्त रहती है.
चेतावनी जारी होने के बाद लगभग 40,000 लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए विशेष तैयारियां की जा रही हैं. इंडोनेशियाई इलाके से पैदा हुई किसी सुनामी को भारतीय तटों तक पहुंचने में आमतौर पर तीन घंटे लगते हैं, सो, लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए पर्याप्त समय मिल सकता है. यह ड्रिल 15 घंटे से भी ज़्यादा चलने की संभावना है.
गुरुवार को ईरान और पाकिस्तान के दक्षिण में मकरान ट्रेंच में 9 तीव्रता वाला भूकंप पैदा किया जाएगा, जिसके परिणामस्वरूप पैदा होने वाली सुनामी की चपेट में भारत का पश्चिमी तट आएगा, जिसमें मुंबई भी शामिल होगी.
सुनामी वार्निंग नेटवर्क की स्थापना वर्ष 2004 में की गई थी, जब एक भयावह सुनामी की वजह से हिन्द महासागर के इलाके में तीन लाख से ज़्यादा लोगों की मौत हो गई थी. वह सुनामी इंडोनेशिया में 9.3 तीव्रता वाला भूकंप आने से पैदा हुई थी.
भारत ने अपना सुनामी वार्निंग सेंटर वर्ष 2007 में स्थापित किया था, जिसमें 85 करोड़ रुपये की लागत आई थी. यह सेंटर चेतावनी जारी करने के लिए नेटवर्क से जुड़े उपग्रहों तथा गहरे समुद्र में लगाए गए तैरने वाले चिह्नों का इस्तेमाल करता है. पाकिस्ता को भी भारत ही सुनामी की पूर्व चेतावनी दिया करता है.
वर्ष 2007 से अब तक सुनामी वार्निंग सेंटर ने वास्तविक सुनामी की आठ चेतावनियां जारी की हैं, और उसके निदेशक एससी शेनॉय का कहना है, "आज तक कभी कोई गलत चेतावनी जारी नहीं की गई..." यह अपने आप में बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर से अब तक कई बार गलत चेतावनियां जारी हुई हैं, जिससे इस व्यवस्था में लोगों का विश्वास कम होता जा रहा है.टिप्पणियां
एससी शेनॉय ने बताया कि भारत के कलपक्कम, कुडनकुलम और तारापुर स्थित परमाणु संयंत्र, जिन पर सुनामी का असर पड़ सकता है, इस मॉक ड्रिल में भाग नहीं लेगे.
वर्ष 2011 में जापान के फुकुशिमा में हुआ नाभिकीय हादसा एक सुनामी के परमाणु संयंत्र से टकराने की वजह से ही हुआ था, और उसके बाद से ही समुद्रतटीय इलाकों में बने आणविक संयंत्रों को लेकर विश्वभर में चिंता व्याप्त रहती है.
गुरुवार को ईरान और पाकिस्तान के दक्षिण में मकरान ट्रेंच में 9 तीव्रता वाला भूकंप पैदा किया जाएगा, जिसके परिणामस्वरूप पैदा होने वाली सुनामी की चपेट में भारत का पश्चिमी तट आएगा, जिसमें मुंबई भी शामिल होगी.
सुनामी वार्निंग नेटवर्क की स्थापना वर्ष 2004 में की गई थी, जब एक भयावह सुनामी की वजह से हिन्द महासागर के इलाके में तीन लाख से ज़्यादा लोगों की मौत हो गई थी. वह सुनामी इंडोनेशिया में 9.3 तीव्रता वाला भूकंप आने से पैदा हुई थी.
भारत ने अपना सुनामी वार्निंग सेंटर वर्ष 2007 में स्थापित किया था, जिसमें 85 करोड़ रुपये की लागत आई थी. यह सेंटर चेतावनी जारी करने के लिए नेटवर्क से जुड़े उपग्रहों तथा गहरे समुद्र में लगाए गए तैरने वाले चिह्नों का इस्तेमाल करता है. पाकिस्ता को भी भारत ही सुनामी की पूर्व चेतावनी दिया करता है.
वर्ष 2007 से अब तक सुनामी वार्निंग सेंटर ने वास्तविक सुनामी की आठ चेतावनियां जारी की हैं, और उसके निदेशक एससी शेनॉय का कहना है, "आज तक कभी कोई गलत चेतावनी जारी नहीं की गई..." यह अपने आप में बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर से अब तक कई बार गलत चेतावनियां जारी हुई हैं, जिससे इस व्यवस्था में लोगों का विश्वास कम होता जा रहा है.टिप्पणियां
एससी शेनॉय ने बताया कि भारत के कलपक्कम, कुडनकुलम और तारापुर स्थित परमाणु संयंत्र, जिन पर सुनामी का असर पड़ सकता है, इस मॉक ड्रिल में भाग नहीं लेगे.
वर्ष 2011 में जापान के फुकुशिमा में हुआ नाभिकीय हादसा एक सुनामी के परमाणु संयंत्र से टकराने की वजह से ही हुआ था, और उसके बाद से ही समुद्रतटीय इलाकों में बने आणविक संयंत्रों को लेकर विश्वभर में चिंता व्याप्त रहती है.
सुनामी वार्निंग नेटवर्क की स्थापना वर्ष 2004 में की गई थी, जब एक भयावह सुनामी की वजह से हिन्द महासागर के इलाके में तीन लाख से ज़्यादा लोगों की मौत हो गई थी. वह सुनामी इंडोनेशिया में 9.3 तीव्रता वाला भूकंप आने से पैदा हुई थी.
भारत ने अपना सुनामी वार्निंग सेंटर वर्ष 2007 में स्थापित किया था, जिसमें 85 करोड़ रुपये की लागत आई थी. यह सेंटर चेतावनी जारी करने के लिए नेटवर्क से जुड़े उपग्रहों तथा गहरे समुद्र में लगाए गए तैरने वाले चिह्नों का इस्तेमाल करता है. पाकिस्ता को भी भारत ही सुनामी की पूर्व चेतावनी दिया करता है.
वर्ष 2007 से अब तक सुनामी वार्निंग सेंटर ने वास्तविक सुनामी की आठ चेतावनियां जारी की हैं, और उसके निदेशक एससी शेनॉय का कहना है, "आज तक कभी कोई गलत चेतावनी जारी नहीं की गई..." यह अपने आप में बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर से अब तक कई बार गलत चेतावनियां जारी हुई हैं, जिससे इस व्यवस्था में लोगों का विश्वास कम होता जा रहा है.टिप्पणियां
एससी शेनॉय ने बताया कि भारत के कलपक्कम, कुडनकुलम और तारापुर स्थित परमाणु संयंत्र, जिन पर सुनामी का असर पड़ सकता है, इस मॉक ड्रिल में भाग नहीं लेगे.
वर्ष 2011 में जापान के फुकुशिमा में हुआ नाभिकीय हादसा एक सुनामी के परमाणु संयंत्र से टकराने की वजह से ही हुआ था, और उसके बाद से ही समुद्रतटीय इलाकों में बने आणविक संयंत्रों को लेकर विश्वभर में चिंता व्याप्त रहती है.
भारत ने अपना सुनामी वार्निंग सेंटर वर्ष 2007 में स्थापित किया था, जिसमें 85 करोड़ रुपये की लागत आई थी. यह सेंटर चेतावनी जारी करने के लिए नेटवर्क से जुड़े उपग्रहों तथा गहरे समुद्र में लगाए गए तैरने वाले चिह्नों का इस्तेमाल करता है. पाकिस्ता को भी भारत ही सुनामी की पूर्व चेतावनी दिया करता है.
वर्ष 2007 से अब तक सुनामी वार्निंग सेंटर ने वास्तविक सुनामी की आठ चेतावनियां जारी की हैं, और उसके निदेशक एससी शेनॉय का कहना है, "आज तक कभी कोई गलत चेतावनी जारी नहीं की गई..." यह अपने आप में बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर से अब तक कई बार गलत चेतावनियां जारी हुई हैं, जिससे इस व्यवस्था में लोगों का विश्वास कम होता जा रहा है.टिप्पणियां
एससी शेनॉय ने बताया कि भारत के कलपक्कम, कुडनकुलम और तारापुर स्थित परमाणु संयंत्र, जिन पर सुनामी का असर पड़ सकता है, इस मॉक ड्रिल में भाग नहीं लेगे.
वर्ष 2011 में जापान के फुकुशिमा में हुआ नाभिकीय हादसा एक सुनामी के परमाणु संयंत्र से टकराने की वजह से ही हुआ था, और उसके बाद से ही समुद्रतटीय इलाकों में बने आणविक संयंत्रों को लेकर विश्वभर में चिंता व्याप्त रहती है.
वर्ष 2007 से अब तक सुनामी वार्निंग सेंटर ने वास्तविक सुनामी की आठ चेतावनियां जारी की हैं, और उसके निदेशक एससी शेनॉय का कहना है, "आज तक कभी कोई गलत चेतावनी जारी नहीं की गई..." यह अपने आप में बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर से अब तक कई बार गलत चेतावनियां जारी हुई हैं, जिससे इस व्यवस्था में लोगों का विश्वास कम होता जा रहा है.टिप्पणियां
एससी शेनॉय ने बताया कि भारत के कलपक्कम, कुडनकुलम और तारापुर स्थित परमाणु संयंत्र, जिन पर सुनामी का असर पड़ सकता है, इस मॉक ड्रिल में भाग नहीं लेगे.
वर्ष 2011 में जापान के फुकुशिमा में हुआ नाभिकीय हादसा एक सुनामी के परमाणु संयंत्र से टकराने की वजह से ही हुआ था, और उसके बाद से ही समुद्रतटीय इलाकों में बने आणविक संयंत्रों को लेकर विश्वभर में चिंता व्याप्त रहती है.
एससी शेनॉय ने बताया कि भारत के कलपक्कम, कुडनकुलम और तारापुर स्थित परमाणु संयंत्र, जिन पर सुनामी का असर पड़ सकता है, इस मॉक ड्रिल में भाग नहीं लेगे.
वर्ष 2011 में जापान के फुकुशिमा में हुआ नाभिकीय हादसा एक सुनामी के परमाणु संयंत्र से टकराने की वजह से ही हुआ था, और उसके बाद से ही समुद्रतटीय इलाकों में बने आणविक संयंत्रों को लेकर विश्वभर में चिंता व्याप्त रहती है.
वर्ष 2011 में जापान के फुकुशिमा में हुआ नाभिकीय हादसा एक सुनामी के परमाणु संयंत्र से टकराने की वजह से ही हुआ था, और उसके बाद से ही समुद्रतटीय इलाकों में बने आणविक संयंत्रों को लेकर विश्वभर में चिंता व्याप्त रहती है. | संक्षिप्त पाठ: मॉक ड्रिल में भारत सहित कुल मिलाकर 23 देश भाग ले रहे हैं
मॉक ड्रिल के दौरान समुद्र की तलहटी में भूकंप पैदा किए जाएंगे
बुधवार को भारत के पूर्वी तट, गुरुवार को पश्चिमी तट पर जांची जाएगी तैयारी | 22 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शनिवार को नक्सलियों को चेतावनी देते हुए कहा है कि वे सात दिनों के भीतर संवाद और हथियार में से किसी एक को चुन लें। इसके साथ ही बनर्जी ने जंगलमहल क्षेत्र के लिए कई अधोसंरचना एवं विकास परियोजनाओं की घोषणा की। बनर्जी ने कहा कि हत्या की राजनीति और बातचीत दोनों एकसाथ नहीं चल सकते। उन्होंने कहा कि राज्य में मई में सत्ता में आने के तत्काल बाद उनकी सरकार ने एक शांति प्रक्रिया शुरू की थी, लेकिन नक्सलियों ने हिंसा बंद नहीं की। बनर्जी ने कहा, "हमने शांति प्रक्रिया शुरू की है। पिछले चार महीनों से संयुक्त सुरक्षा बलों द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। हमने सोचा था कि यह कदम कारगर होगा। लेकिन हमें हत्याएं देखने को मिल रही हैं। क्यों? हमारा कहना है कि हम शांति चाहते हैं।" बनर्जी ने कहा, "लोकतंत्र में बातचीत हमेशा जारी रह सकती है। हम बातचीत बंद करने के पक्ष में नहीं हैं। लेकिन आपको हथियार त्यागना होगा। लोगों को धमकियां देनी बंद करनी होगी।" बनर्जी ने पश्चिम मिदनापुर जिले के झारग्राम स्टेडियम में एक रैली को सम्बोधित करते हुए कहा, "मैं आप सबको सात दिनों का समय देती हूं। इस पर विचार कीजिए। यदि आप समस्या का शांतिपूर्ण समाधान चाहते हैं तो फिर कोई मुद्दा नहीं है। हम चाहते हैं कि बातचीत का दरवाजा खुला रहे। यह अंतिम मौका है। रक्तपात और बातचीत एकसाथ नहीं चल सकते।" बनर्जी ने क्षेत्र के लोगों का आह्वान किया कि वे नक्सलियों के खिलाफ सुरक्षा बलों का साथ दें। उन्होंने कहा, "लोगों को आगे आना चाहिए और नक्सलियों के खिलाफ खड़े होना चाहिए। वे बाहर से आते हैं, और लोगों की हत्या करने के लिए भाड़े के हत्यारों का इस्तेमाल करते हैं। वे केवल बंदूक के बल पर धन उगाही करते हैं।" बनर्जी ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस एवं कांग्रेस की सरकार शांति चाहती है। उन्होंने कहा, "यदि यहां शांति है, तो मैं इस क्षेत्र के लिए सबकुछ कर सकती हूं। बिना शांति के कुछ नहीं करुं गी।" बनर्जी ने कहा कि शांति रहने पर नौकरी, स्कूल, कॉलेज एवं अस्पतालों की व्यवस्था हो सकेगी। उन्होंने कहा, "जब वार्ता चल रही है तो खून क्यों बहाया जा रहा है।" नक्सलियों को अपनी हत्या करने की चुनौती देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, "मैं देखना चाहती हूं कि तुम लोगों में कितनी हिम्मत है। छुपे क्यों हो। आओ झारग्राम में मुकाबला करें। मैं तुम्हारी राइफलों से भयभीत नहीं हूं। तुम मेरे नेताओं को भी मार सकते हो, लेकिन अगर तुम हमारे पांच लोगों को मारोगे तो पांच लाख लोग संघर्ष के लिए तैयार हो जाएंगे।" जंगलमहल इलाके के 10,000 लोगों को पुलिस एवं राष्ट्रीय स्वयं सेवक बल में भर्ती करने की अपनी पूर्व घोषणा पर उन्होंने कहा कि प्रक्रिया चल रही है और जिन लोगों को इसमें मौका नहीं मिलेगा उनकी क्षमता के अनुसार उनके लिए अलग से व्यवस्था की जाएगी। बनर्जी सत्ता में आने के बाद दूसरी बार जंगलमहल के दौरे पर थीं। उन्होंने सुवर्णरेखा नदी पर 170 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले एक पुल की आधारशिला रखी। बनर्जी ने स्टेडियम के आधुनिकीकरण परियोजना की भी घोषणा की। इसके साथ ही बनर्जी ने चार अन्य स्टेडियम, और रामगढ़ में एक पॉलीटेकि्न क कॉलेज, लड़कियों के लिए 31 छात्रावास, चार नए कॉलेज, ढेर सारी पेयजल परियोजनाओं, नए पर्यटक विश्रामगृहों, व्यावसायिक प्रशिक्षण केंद्रों, छात्राओं के लिए 20,000 साइकिलों, दो मॉडल स्कूल और गरीबों के लिए 5,600 मकानों की घोषणा की। | सारांश: प. बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने नक्सलियों को चेतावनी देते हुए कहा कि वे सात दिनों के भीतर संवाद और हथियार में से किसी एक को चुन लें। | 20 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारतीय मूल की अमेरिकी सांसद प्रमिला जयपाल ने कहा है कि जम्मू कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले अनुच्छेद 370 के ज्यादातर प्रावधानों को भारत के खत्म करने के बाद कश्मीर में गिरफ्तारियों की खबरों को लेकर वह परेशान हैं. अमेरिकी प्रतिनिधि सभा की सदस्य प्रमिला जयपाल ने कहा,‘कश्मीर में भारत सरकार द्वारा 2,000 लोगों की गिरफ्तारियां किये जाने की खबरों से बहुत परेशान हूं...' डेमोक्रेट सांसद जयपाल अमेरिकी प्रतिनिधि सभा (हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव) में निर्वाचित होने वाली पहली और एकमात्र भारतीय मूल की अमेरिकी महिला हैं. अमेरिकी संसद में मानवाधिकार के मुद्दों को जोर-शोर से उठाने वाली जयपाल ने कहा, ‘लोकतंत्र में पारदर्शिता, उचित प्रक्रिया, एकत्र होने एवं वाक् एवं अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता जरूरी होती है. ये बिल्कुल ही आवश्यक हैं, यहां तक कि सर्वाधिक जटिल परिस्थितियों में भी.'
उन्होंने अपने ट्विटर अकाउंट पर न्यूयार्क टाइम्स की एक खबर भी साझा की. अमेरिकी सांसद एडम स्कीफ ने कहा कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और सूचना तक पहुंच जैसे मूलभूत मानवाधिकारों का अवश्य संरक्षण किया जाना चाहिए. एक दिन पहले अमेरिकी कांग्रेस सदस्य पीटर किंग ने कश्मीर को लेकर भारत-पाकिस्तान के बीच विवाद पर चर्चा करने के लिए न्यूयार्क में नियुक्त भारतीय महावाणिज्य दूत से मुलाकात की थी. पीटर ने कहा,‘कश्मीर को लेकर भारत-पाक विवाद पर चर्चा करने के लिए भारतीय महावाणिज्यदूत से मिला. उनसे कहा कि मैं भारत की कार्रवाई समझता हूं और पाकिस्तान एवं कश्मीर में इस्लामी तत्वों को लेकर चिंतित हूं.
लेकिन मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए और दोनों देशों के परमाणु शक्तियां होने के मद्देनजर कूटनीतिक समाधान का अनुरोध करता हूं.' वहीं, कांग्रेस सदस्य डॉन बेयर ने कहा, ‘कश्मीर में, खासतौर पर संचार पर पूर्ण पाबंदियों के जारी रहने को लेकर मैं बहुत चिंतित हूं.' उल्लेखनीय है कि शनिवार को कश्मीर के ज्यादातर हिस्सों में पाबंदियां हटा दी गईं. हालात में धीरे-धीरे सुधार हो रहा है. | यह एक सारांश है: भारतीय मूल की अमेरिकी सांसद हैं प्रमिला जयपाल
कश्मीर में लोगों की गिरफ्तारी की खबरों पर जताई चिंता
बोलीं, लोकतंत्र में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता जरूरी होती है | 9 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: भारतीय रिजर्व बैंक के डिप्टी गवर्नर आनंद सिन्हा ने बुधवार को कहा कि हालांकि वसूली न किए जा सकने वाले ऋण की मात्रा यानि एनपीए बढ़ रही है लेकिन केंद्रीय बैंक इसे अभी प्रणालीगत जोखिम के तौर पर नहीं देख रहा है। फिक्की-आईबीए की बैठक के मौके पर उन्होंने कहा हमें नहीं लगता कि बढ़ते एनपीए से कोई प्रणालीगत जोखिम है। लेकिन आगे कुछ क्षेत्र में जोखिम हो सकता है। केंद्रीय बैंक ने पिछले 15 महीनों में अपने मुख्य ऋण दर में सवा चार (425 आधार अंक) फीसद की जोरदार बढ़ोतरी की है ताकि मुद्रास्फीति पर लगाम लगाई जा सके जिसके बाद बैंकों ने भी ब्याज दरें बढ़ाईं। उन्होंने कहा मैं यह नहीं कहूंगा कि हम विशेष तौर पर खुदरा ऋण खंड के बारे में पेरशान हैं लेकिन हां, खुदरा खंड पर दबाव जरूर होगा। बैंक को सबसे अधिक जोखिम छोटे और मंझोल उद्योगों और गैर प्रतिभूत (अनसीक्योर्ड) श्रेणी से है जिनमें मुख्य तौर पर व्यक्तिगत ऋण (पर्सनल लोन), क्रेडिट कार्ड कारोबार और आवास ऋण शामिल हैं। बैंकरों ने पिछले महीने आरबीआई के गवर्नर डी सुब्बाराव से कहा कि ब्याज दरें बढ़ती भी हैं तो भी बैंकों को कोई प्रणालीगत जोखिम नहीं है। मंगलवार को देश के सबसे बड़े ऋणदाता एसबीआई के मुख्य वित्त अधिकारी दिवाकर गुप्ता ने कहा कि उनके बैंक के 7,000 करोड़ रुपए के शिक्षा ऋण पर दबाव है। कोलकाता स्थित यूनाईटेड बैंक के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक भास्कर सेन ने भी कहा कि खतरे बढ़ रहे हैं विशेष तौर पर छोटे और मंझोले उपक्रम और खुदरा क्षेत्र में और वह बजाय ईएमआई बढ़ाने के रिण का स्वरूप बढ़ाने पर विचार कर सकते हैं। | संक्षिप्त पाठ: सिन्हा ने कहा कि हालांकि वसूली न किए जा सकने वाले ऋण की मात्रा बढ़ रही है लेकिन इसे अभी प्रणालीगत जोखिम के तौर पर नहीं देख रहा है। | 30 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: इससे पहले एक चीनी सैनिक को अपने एक कमांडर का सीतारमण से परिचय कराते हुए देखा गया. पहला वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. चीनी सैनिकों के साथ सीतारमण की बातचीत का दूसरा वीडियो रक्षा मंत्री के आधिकारिक टि्वटर हैंडल पर आज शाम को पोस्ट किया गया, जिसमें सीतारमण चीन के लोगों को भविष्य के लिए शुभकामनाएं देती हुई दिखीं. उन्होंने चीनी सैनिकों को कहा, मैं आपके देश के लोगों को भविष्य के लिए शुभकामनाएं देती हूं.’ उनकी बात का जवाब देते हुए पीएलए के एक सैनिक ने कहा, ‘शुक्रिया. भारत और चीन महान देश हैं.’ सीतारमण ने हाथ उठाकर चीनी सैनिकों का अभिवादन करते हुए एक तस्वीर कल पोस्ट की थी.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | संक्षिप्त सारांश: चीनी सैनिकों को नमस्ते कहना सिखाया
चीनी सैनिकों ने मुस्कुराकर दिया जवाब
निर्मला सीतारमण ने चौकियों का लिया जायजा | 23 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: दुनिया में दूसरे सबसे अधिक उत्सर्जन करने वाले देश अमेरिका ने सोमवार को उत्सर्जन कम करने की कानूनी बाध्यता को खारिज कर दिया और कहा कि वह ऐसा कोई वादा नहीं कर सकता, जब तक कि भारत और चीन जैसी उभरती अर्थव्यवस्था ऐसा नहीं करतीं। जलवायु परिवर्तन पर अमेरिका के दूत टोड स्टर्न ने चीन की कटौती की सशर्त कानूनी बाध्यता को भ्रमित करने वाला बताया और कहा कि कानूनी बाध्यता के साथ कोई शर्त जुड़ा नहीं होना चाहिए। स्टर्न ने यहां संवाददाताओं से कहा, "कानूनी रूप से बाध्य समझौते पर बात करने को लेकर हमारी सम्भावनाएं खुली हुई हैं, लेकिन हम इसे तब तक नहीं स्वीकार कर सकते जब तक कि बड़े विकासशील देश इसे स्वीकार नहीं करते।" उन्होंने कहा कि अमेरिका तब तक किसी कानूनी रूप से बाध्य समझौते को नहीं मानेगा, जब तक उसे यह नहीं पता हो कि कौन-कौन से देश इसे मान रहे हैं और किस तरीके से मान रहे हैं। चीन ने सोमवार को पांच फीसदी की शर्त के साथ 2020 के बाद कानूनी रूप से बाध्य उत्सर्जन कटौती का प्रस्ताव रखा। साथ ही उसने क्योटो प्रोटोकॉल के तहत विकसित देशों द्वारा उत्सर्जन कटौती के लिए उठाए गए कदमों की समीक्षा की भी शर्त रखी। | यहाँ एक सारांश है:अमेरिका ने उत्सर्जन कम करने की कानूनी बाध्यता को खारिज किया और कहा कि वह ऐसा कोई वादा नहीं कर सकता...। | 15 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: संयुक्त अरब अमीरात की कई रेस्तरां व कैफे कंपनियां भारतीय बाजार में उतरने की योजनाओं को अंतिम रूप दे रही हैं जो कंपनियां भारतीय बाजार में उतरने की योजना में हैं, उनमें शवरमा एक्सप्रेस, वाफी गॉरमेंट, हवाना, बेला डोना, जापेंजो और शेक्सपियर एंड कंपनी शामिल हैं और ये सभी फेंचाइजी मार्ग से भारत आना चाहती हैं। शवरमा एक्सप्रेस के पार्टनर स्लेह अल खोर ने बताया, हमारी भारत के पूर्वोत्तर, दक्षिण व पश्चिम क्षेत्र के लिए तीन मास्टर फ्रेंचाइजी नियुक्त करने की योजना है। इन पार्टनरों को अगले दो महीने में ही अंतिम रूप दिए जाने की संभावना है। उन्होंने कहा कि अगले दो तीन साल में हर फेंचाइजी के पास 50 रेस्तरां होंगे। इसी तरह दुबई का बिनहेंदी इंटरप्राइजेज भी अपने रेस्तरां ब्रांड को भारत में लाने की योजना बना रहा है। बिनहेंदी इंटरप्राइजेज के अध्यक्ष मोहि-दीन बिनहेंदी ने हम हवाना, बेला डाना व जापेंजों जैसे कई रेस्तरां ब्रांडों को भारत में लाने की योजना बना रहे हैं। उन्होंने हालांकि इस बारे में और जानकारी नहीं दी। फ्रेंचाइजी इंडिया होल्डिंग्स के अध्यक्ष गौरव मौर्य ने कहा, भारत बहुत आकर्षक बाजार है और अरबी तथा लेबनानी फूड ब्रांड यहां जल्द ही सफल होंगे। नेशनल रेस्तरां एसोसिएशन ऑफ इंडिया के अनुमान के अुनसार भारत में संगठित रेस्तरां बाजार 2015 तक चार गुना बढ़कर लगभग 28,000 करोड़ रुपये का हो जाएगा। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: संयुक्त अरब अमीरात की कई रेस्तरां व कैफे कंपनियां भारतीय बाजार में उतरने की योजनाओं को अंतिम रूप दे रही हैं। | 32 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: TikTok Top 5 Raksha Bandhan Viral Video: रक्षाबंधन (Raksha Bandhan) के दिन बहनें भाइयों की कलाई पर राखी (Rakhi) बाधंती हैं और बदले में भाई जिंदगी भर उनकी रक्षा करने का वचन देता है. राखी (Rakhi) का त्योहार अपने आप में ही खास होता है. तो क्यों ना इस बार रक्षाबंधन (Raksha Bandhan) के त्योहार को होम-मेड राखियों (Rakhi) के साथ और भी खास बनाया जाए. इन खूबसूरत राखियों को घर पर ही तैयार काफी मनोरंजक होता है. इसके अलावा टीवी सीरियल्स और बॉलीवुड फिल्मों में भी बहनें खुद से बनाई हुई राखी ही अपने भाई की कलाई पर बांधती हैं. ऐसे में हम भी कुछ टिकटॉक वीडियो (Tik Tok Video) को देखकर घर पर ही अनमोल राखियां तैयार कर सकते हैं. आइए देखते हैं टिकटॉक (TikTok) के होममेड राखी बनाने वाले 5 वीडियोः
टिकटॉक (Tik Tok Video) पर आए इस वीडियो में देख सकते हैं कि केवल पेपर बोर्ड, रेशम के धागे, मोती और फेविकोल की मदद से कितनी खूबसूरत राखी तैयार की जा सकती है. इसके लिए पेपर बोर्ड को काटकर उन्हें रेशम के धागों से सजाने की जरूरत होती है.
टिकटॉक (Tik Tok Video) पर मौजूद वीडियो की मदद से बहनें अपने नन्हे भाइयों के लिए प्यारी-सी राखी (Rakhi) तैयार कर सकती हैं. यह राखी देखने में भी काफी क्यूट है. इसे लोग ऊन और बटन की मदद से आसानी से तैयार कर सकते हैं.
अगर भाइयों की कलाई को खूबसूरत राखियों से सजाना है तो यह टिकटॉक वीडियो (TikTok Video) आपके लिए बेस्ट है. इसे आप कुछ स्टोन्स, पेपर और फेविकोल की मदद से तैयार कर सकते हैं. यह राखी देखने में जितनी प्यारी लग रही है, पहनने पर इससे कहीं ज्यादा प्यारी लग सकती है.
भाइयों की कलाई को रॉयल अंदाज में सजाने के लिए यह टिकटॉक वीडियो (TikTok Video) जरूर देखना चाहिए. इस वीडियो को देखकर लोग घर पर मौजूद कुछ मोतियों और रेशम के धागों से राखी को तैयार कर सकते हैं.
टिकटॉक (TikTok Video) पर मौजूद इस वीडियो के जरिए लड़कियां ना सिर्फ खूबसूरत राखियां तैयार कर सकती हैं, बल्कि एक खूबसूरत ब्रेसलेट भी बना सकती हैं. इस राखी को बनाने के लिए बस रेशम के धागों और मोतियों की जरूरत पड़ेगी. लेकिन पूरी होने के बाद यह राखी काफी खूबसूरत लगेगी. | संक्षिप्त पाठ: रक्षाबंधन को बनाएं होम मेड राखियों से और भी खास
वीडियो की मदद से तैयार करें खूबसूरत राखियां
चंद ही मिनट में तैयार हो सकती हैं यह खूबसूरत राखियां | 14 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: द एरेना बाय ट्रांसस्टेरिडया में खेले गए कबड्डी विश्व कप के फाइनल में शनिवार को मेजबान भारत ने अपने कड़े प्रतिद्वंद्वी ईरान को नौ अंकों के अंतर से हरा खिताब पर कब्जा जमाया.
मौजूदा चैम्पियन भारत ने ईरान को 38-29 से मात देते हुए तीसरी बार खिताब अपने नाम किया. भारत की जीत के हीरो दिग्गज रेडर अजय ठाकुर रहे. अजय ने पहले हाफ तक पीछे चल रही भारत को लगातार सफल रेड डालते हुए न सिर्फ बारबरी दिलाई बल्कि अहम समय पर भारत को मजबूत किया. उन्होंने कुल 12 अंक हासिल किए.
भारत ने मैच की पहली रेड डाली लेकिन कप्तान अनूप कुमार खाली हाथ लौटे. अजय ठाकुर ने भारत का खाता खोला और फिर स्कोर 2-0 कर दिया. लेकिन मिराज ने अपनी टीम का खाता खोला और फिर ईरान ने बोनस अंक हासिल करते हुए 2-2 से बराबरी कर ली. यहां से कभी भारत आगे होता तो कभी ईरान. मिराज ने दो अंक लेते हुए अपनी टीम को 9-7 से आगे कर दिया था. यहां भारत ने सुपर टैकल करते हुए दो अंक हासिल कर स्कोर 10-9 कर लिया.
हालांकि ईरान ने बढ़त को कायम रखते हुए हाफ टाइम तक मेजबानों पर 18-13 की बढ़त ले ली थी. दूसरे हाफ में भारतीय टीम ने अपनी रणनीति में बदलाव किया. इस हाफ में मिराज ने एक बार फिर अपनी टीम का खाता खोला. ईरान ने 19-14 की बढ़त ले ली थी. टिप्पणियां
लेकिन अजय ठाकुर ने इस हाफ में लगातर सफल रेड डालते हुए भारत को 20-20 की बराबरी पर ला खड़ा किया. बराबरी के बाद भारत ने ईरान को ऑल आउट कर स्कोर 24-21 कर भारतीय खेमे में खुशी की लहर ला दी. यहां से भारत ने पीछे मुड़ कर नहीं देखा और 38-29 से जीत हासिल की. इसी के साथ ईरान का पहली बार भारत को मात देने का सपना टूट गया और एक बार फिर से खिताबी मुकाबले में भारत के हाथों हार झेलनी पड़ी.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
मौजूदा चैम्पियन भारत ने ईरान को 38-29 से मात देते हुए तीसरी बार खिताब अपने नाम किया. भारत की जीत के हीरो दिग्गज रेडर अजय ठाकुर रहे. अजय ने पहले हाफ तक पीछे चल रही भारत को लगातार सफल रेड डालते हुए न सिर्फ बारबरी दिलाई बल्कि अहम समय पर भारत को मजबूत किया. उन्होंने कुल 12 अंक हासिल किए.
भारत ने मैच की पहली रेड डाली लेकिन कप्तान अनूप कुमार खाली हाथ लौटे. अजय ठाकुर ने भारत का खाता खोला और फिर स्कोर 2-0 कर दिया. लेकिन मिराज ने अपनी टीम का खाता खोला और फिर ईरान ने बोनस अंक हासिल करते हुए 2-2 से बराबरी कर ली. यहां से कभी भारत आगे होता तो कभी ईरान. मिराज ने दो अंक लेते हुए अपनी टीम को 9-7 से आगे कर दिया था. यहां भारत ने सुपर टैकल करते हुए दो अंक हासिल कर स्कोर 10-9 कर लिया.
हालांकि ईरान ने बढ़त को कायम रखते हुए हाफ टाइम तक मेजबानों पर 18-13 की बढ़त ले ली थी. दूसरे हाफ में भारतीय टीम ने अपनी रणनीति में बदलाव किया. इस हाफ में मिराज ने एक बार फिर अपनी टीम का खाता खोला. ईरान ने 19-14 की बढ़त ले ली थी. टिप्पणियां
लेकिन अजय ठाकुर ने इस हाफ में लगातर सफल रेड डालते हुए भारत को 20-20 की बराबरी पर ला खड़ा किया. बराबरी के बाद भारत ने ईरान को ऑल आउट कर स्कोर 24-21 कर भारतीय खेमे में खुशी की लहर ला दी. यहां से भारत ने पीछे मुड़ कर नहीं देखा और 38-29 से जीत हासिल की. इसी के साथ ईरान का पहली बार भारत को मात देने का सपना टूट गया और एक बार फिर से खिताबी मुकाबले में भारत के हाथों हार झेलनी पड़ी.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
भारत ने मैच की पहली रेड डाली लेकिन कप्तान अनूप कुमार खाली हाथ लौटे. अजय ठाकुर ने भारत का खाता खोला और फिर स्कोर 2-0 कर दिया. लेकिन मिराज ने अपनी टीम का खाता खोला और फिर ईरान ने बोनस अंक हासिल करते हुए 2-2 से बराबरी कर ली. यहां से कभी भारत आगे होता तो कभी ईरान. मिराज ने दो अंक लेते हुए अपनी टीम को 9-7 से आगे कर दिया था. यहां भारत ने सुपर टैकल करते हुए दो अंक हासिल कर स्कोर 10-9 कर लिया.
हालांकि ईरान ने बढ़त को कायम रखते हुए हाफ टाइम तक मेजबानों पर 18-13 की बढ़त ले ली थी. दूसरे हाफ में भारतीय टीम ने अपनी रणनीति में बदलाव किया. इस हाफ में मिराज ने एक बार फिर अपनी टीम का खाता खोला. ईरान ने 19-14 की बढ़त ले ली थी. टिप्पणियां
लेकिन अजय ठाकुर ने इस हाफ में लगातर सफल रेड डालते हुए भारत को 20-20 की बराबरी पर ला खड़ा किया. बराबरी के बाद भारत ने ईरान को ऑल आउट कर स्कोर 24-21 कर भारतीय खेमे में खुशी की लहर ला दी. यहां से भारत ने पीछे मुड़ कर नहीं देखा और 38-29 से जीत हासिल की. इसी के साथ ईरान का पहली बार भारत को मात देने का सपना टूट गया और एक बार फिर से खिताबी मुकाबले में भारत के हाथों हार झेलनी पड़ी.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
हालांकि ईरान ने बढ़त को कायम रखते हुए हाफ टाइम तक मेजबानों पर 18-13 की बढ़त ले ली थी. दूसरे हाफ में भारतीय टीम ने अपनी रणनीति में बदलाव किया. इस हाफ में मिराज ने एक बार फिर अपनी टीम का खाता खोला. ईरान ने 19-14 की बढ़त ले ली थी. टिप्पणियां
लेकिन अजय ठाकुर ने इस हाफ में लगातर सफल रेड डालते हुए भारत को 20-20 की बराबरी पर ला खड़ा किया. बराबरी के बाद भारत ने ईरान को ऑल आउट कर स्कोर 24-21 कर भारतीय खेमे में खुशी की लहर ला दी. यहां से भारत ने पीछे मुड़ कर नहीं देखा और 38-29 से जीत हासिल की. इसी के साथ ईरान का पहली बार भारत को मात देने का सपना टूट गया और एक बार फिर से खिताबी मुकाबले में भारत के हाथों हार झेलनी पड़ी.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
लेकिन अजय ठाकुर ने इस हाफ में लगातर सफल रेड डालते हुए भारत को 20-20 की बराबरी पर ला खड़ा किया. बराबरी के बाद भारत ने ईरान को ऑल आउट कर स्कोर 24-21 कर भारतीय खेमे में खुशी की लहर ला दी. यहां से भारत ने पीछे मुड़ कर नहीं देखा और 38-29 से जीत हासिल की. इसी के साथ ईरान का पहली बार भारत को मात देने का सपना टूट गया और एक बार फिर से खिताबी मुकाबले में भारत के हाथों हार झेलनी पड़ी.(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | संक्षिप्त पाठ: अजय ठाकुर ने भारत का खाता खोला और फिर स्कोर 2-0 कर दिया
दूसरे हाफ में भारतीय टीम को बदलनी पड़ी अपनी रणनीति
थाईलैंड को हराकर भारत ने फाइनल में बनाई थी जगह | 27 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: राष्ट्रपति चुनाव की रणनीति को लेकर बीजेपी कोर ग्रुप की बुधवार को बैठक हुई. इस बैठक में वेंकैया नायडू और राजनाथ सिंह ने राष्ट्रपति चुनाव के बारे में पीएम नरेंद्र मोदी को ब्रीफ किया. इससे पहले पार्टी अध्यक्ष अमित शाह ने वेंकैया नायडू, राजनाथ सिंह और अरुण जेटली के नेतृत्व में तीन सदस्यीय मंत्रिस्तरीय समिति का गठन किया.
राष्ट्रपति चुनाव के लिए आम राय बनाने की कोशिश के तहत बीजेपी के यह कमेटी सदस्य शुक्रवार को कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मिलेंगे. इसी बीच विपक्षी दलों की भी आज बैठक हुई, जिसमें राष्ट्रपति चुनाव को लेकर रणनीति बातचीत हुई. हालांकि बताया जा रहा है कि बैठक में किसी नाम पर चर्चा नहीं हुई.
विपक्षी दलों की बैठक के बाद कांग्रेस के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद ने मीडिया से कहा कि 'राष्ट्रपति चुनाव के लिए 9 पार्टियों का एक पैनल गठित किया जाएगा. सभी पार्टियों के वरिष्ठ नेताओं से बातचीत की जा रही है. हां, इतना जरूर है कि सभी विपक्षी पार्टियां एकजुट हैं. सरकार ने फोन पर बात की है, लेकिन अभी इस बारे में अभी कोई तस्वीर साफ नहीं हुई है कि सरकार किस राष्ट्रपति पद के लिए किसे उम्मीदवार बनाने जा रही है या फिर किसका समर्थन करेगी'.
बताया जा रहा है कि एनडीए उम्मीदवार 23 जून तक नामांकन भर सकता है, क्योंकि पीएम मोदी 24 को विदेश यात्रा पर जा रहे हैं. अरुण जेटली 17 जून को विदेश यात्रा से वापस आएंगे.
तीनों मंत्री अलग-अलग दलों से बात करेंगे. बीजेपी को भरोसा है कि एआईएडीएमके के दोनों धड़े समर्थन देंगे, क्योंकि डीएमके कांग्रेस के साथ है. कुछ विपक्षी दलों को समर्थन मिलने की भी बीजेपी को उम्मीद है. टिप्पणियां
इस बीच निर्वाचन आयोग ने बुधवार को राष्ट्रपति पद के चुनाव के लिए अधिसूचना जारी कर दी है. इसके साथ ही राष्ट्रपति पद के चुनाव की औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो गई है.
चुनाव आयोग ने 7 जून को राष्ट्रपति पद के चुनाव का कार्यक्रम घोषित किया. अधिसूचना जारी किए जाने के बाद 14 जून से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई और चुनाव 17 जुलाई को होगा. मतगणना 20 जुलाई को होगी. मौजूदा राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का कार्यकाल 24 जुलाई को समाप्त हो रहा है.
राष्ट्रपति चुनाव के लिए आम राय बनाने की कोशिश के तहत बीजेपी के यह कमेटी सदस्य शुक्रवार को कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मिलेंगे. इसी बीच विपक्षी दलों की भी आज बैठक हुई, जिसमें राष्ट्रपति चुनाव को लेकर रणनीति बातचीत हुई. हालांकि बताया जा रहा है कि बैठक में किसी नाम पर चर्चा नहीं हुई.
विपक्षी दलों की बैठक के बाद कांग्रेस के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद ने मीडिया से कहा कि 'राष्ट्रपति चुनाव के लिए 9 पार्टियों का एक पैनल गठित किया जाएगा. सभी पार्टियों के वरिष्ठ नेताओं से बातचीत की जा रही है. हां, इतना जरूर है कि सभी विपक्षी पार्टियां एकजुट हैं. सरकार ने फोन पर बात की है, लेकिन अभी इस बारे में अभी कोई तस्वीर साफ नहीं हुई है कि सरकार किस राष्ट्रपति पद के लिए किसे उम्मीदवार बनाने जा रही है या फिर किसका समर्थन करेगी'.
बताया जा रहा है कि एनडीए उम्मीदवार 23 जून तक नामांकन भर सकता है, क्योंकि पीएम मोदी 24 को विदेश यात्रा पर जा रहे हैं. अरुण जेटली 17 जून को विदेश यात्रा से वापस आएंगे.
तीनों मंत्री अलग-अलग दलों से बात करेंगे. बीजेपी को भरोसा है कि एआईएडीएमके के दोनों धड़े समर्थन देंगे, क्योंकि डीएमके कांग्रेस के साथ है. कुछ विपक्षी दलों को समर्थन मिलने की भी बीजेपी को उम्मीद है. टिप्पणियां
इस बीच निर्वाचन आयोग ने बुधवार को राष्ट्रपति पद के चुनाव के लिए अधिसूचना जारी कर दी है. इसके साथ ही राष्ट्रपति पद के चुनाव की औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो गई है.
चुनाव आयोग ने 7 जून को राष्ट्रपति पद के चुनाव का कार्यक्रम घोषित किया. अधिसूचना जारी किए जाने के बाद 14 जून से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई और चुनाव 17 जुलाई को होगा. मतगणना 20 जुलाई को होगी. मौजूदा राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का कार्यकाल 24 जुलाई को समाप्त हो रहा है.
विपक्षी दलों की बैठक के बाद कांग्रेस के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद ने मीडिया से कहा कि 'राष्ट्रपति चुनाव के लिए 9 पार्टियों का एक पैनल गठित किया जाएगा. सभी पार्टियों के वरिष्ठ नेताओं से बातचीत की जा रही है. हां, इतना जरूर है कि सभी विपक्षी पार्टियां एकजुट हैं. सरकार ने फोन पर बात की है, लेकिन अभी इस बारे में अभी कोई तस्वीर साफ नहीं हुई है कि सरकार किस राष्ट्रपति पद के लिए किसे उम्मीदवार बनाने जा रही है या फिर किसका समर्थन करेगी'.
बताया जा रहा है कि एनडीए उम्मीदवार 23 जून तक नामांकन भर सकता है, क्योंकि पीएम मोदी 24 को विदेश यात्रा पर जा रहे हैं. अरुण जेटली 17 जून को विदेश यात्रा से वापस आएंगे.
तीनों मंत्री अलग-अलग दलों से बात करेंगे. बीजेपी को भरोसा है कि एआईएडीएमके के दोनों धड़े समर्थन देंगे, क्योंकि डीएमके कांग्रेस के साथ है. कुछ विपक्षी दलों को समर्थन मिलने की भी बीजेपी को उम्मीद है. टिप्पणियां
इस बीच निर्वाचन आयोग ने बुधवार को राष्ट्रपति पद के चुनाव के लिए अधिसूचना जारी कर दी है. इसके साथ ही राष्ट्रपति पद के चुनाव की औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो गई है.
चुनाव आयोग ने 7 जून को राष्ट्रपति पद के चुनाव का कार्यक्रम घोषित किया. अधिसूचना जारी किए जाने के बाद 14 जून से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई और चुनाव 17 जुलाई को होगा. मतगणना 20 जुलाई को होगी. मौजूदा राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का कार्यकाल 24 जुलाई को समाप्त हो रहा है.
बताया जा रहा है कि एनडीए उम्मीदवार 23 जून तक नामांकन भर सकता है, क्योंकि पीएम मोदी 24 को विदेश यात्रा पर जा रहे हैं. अरुण जेटली 17 जून को विदेश यात्रा से वापस आएंगे.
तीनों मंत्री अलग-अलग दलों से बात करेंगे. बीजेपी को भरोसा है कि एआईएडीएमके के दोनों धड़े समर्थन देंगे, क्योंकि डीएमके कांग्रेस के साथ है. कुछ विपक्षी दलों को समर्थन मिलने की भी बीजेपी को उम्मीद है. टिप्पणियां
इस बीच निर्वाचन आयोग ने बुधवार को राष्ट्रपति पद के चुनाव के लिए अधिसूचना जारी कर दी है. इसके साथ ही राष्ट्रपति पद के चुनाव की औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो गई है.
चुनाव आयोग ने 7 जून को राष्ट्रपति पद के चुनाव का कार्यक्रम घोषित किया. अधिसूचना जारी किए जाने के बाद 14 जून से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई और चुनाव 17 जुलाई को होगा. मतगणना 20 जुलाई को होगी. मौजूदा राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का कार्यकाल 24 जुलाई को समाप्त हो रहा है.
तीनों मंत्री अलग-अलग दलों से बात करेंगे. बीजेपी को भरोसा है कि एआईएडीएमके के दोनों धड़े समर्थन देंगे, क्योंकि डीएमके कांग्रेस के साथ है. कुछ विपक्षी दलों को समर्थन मिलने की भी बीजेपी को उम्मीद है. टिप्पणियां
इस बीच निर्वाचन आयोग ने बुधवार को राष्ट्रपति पद के चुनाव के लिए अधिसूचना जारी कर दी है. इसके साथ ही राष्ट्रपति पद के चुनाव की औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो गई है.
चुनाव आयोग ने 7 जून को राष्ट्रपति पद के चुनाव का कार्यक्रम घोषित किया. अधिसूचना जारी किए जाने के बाद 14 जून से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई और चुनाव 17 जुलाई को होगा. मतगणना 20 जुलाई को होगी. मौजूदा राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का कार्यकाल 24 जुलाई को समाप्त हो रहा है.
इस बीच निर्वाचन आयोग ने बुधवार को राष्ट्रपति पद के चुनाव के लिए अधिसूचना जारी कर दी है. इसके साथ ही राष्ट्रपति पद के चुनाव की औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो गई है.
चुनाव आयोग ने 7 जून को राष्ट्रपति पद के चुनाव का कार्यक्रम घोषित किया. अधिसूचना जारी किए जाने के बाद 14 जून से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई और चुनाव 17 जुलाई को होगा. मतगणना 20 जुलाई को होगी. मौजूदा राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का कार्यकाल 24 जुलाई को समाप्त हो रहा है.
चुनाव आयोग ने 7 जून को राष्ट्रपति पद के चुनाव का कार्यक्रम घोषित किया. अधिसूचना जारी किए जाने के बाद 14 जून से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई और चुनाव 17 जुलाई को होगा. मतगणना 20 जुलाई को होगी. मौजूदा राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का कार्यकाल 24 जुलाई को समाप्त हो रहा है. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: बैठक में राष्ट्रपति चुनाव पर चर्चा हुई
पीएम मोदी 24 को विदेश दौरे पर जा रहे हैं
उससे पहले 23 जून को हो सकता है नामांकन | 3 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: राम सेतु मामले में सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान केंद्र द्वारा बनाई गई आरके पचौरी की रिपोर्ट को पेश किया गया है। इस समिति की रिपोर्ट पर सुनवाई करने के बाद सुप्रीम कोर्ट इस अहम मुद्दे पर फैसला लेगा। फिलहाल मामला पांच हफ्तों के लिए टाल दिया गया है।
कहा जा रहा है कि समिति ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि सेतु समुद्रम को काटने के अलावा अन्य विकल्प व्यावहारिक नहीं हैं। समिति का यह भी कहना है कि राम सेतु काटने के अलावा और कोई विकल्प आर्थिक आधार पर भी सही नहीं है।
राम सेतु का मामला तब गर्माया था जब भारत के दक्षिणी छोर और श्रीलंका के बीच सेतुसमुद्रम परियोजना को बनाने की बात समाने आई थी। इस समुद्री मार्ग के बनने से पश्चिमी तट से पूर्वी तट तक पहुचना आसान हो जाएगा।टिप्पणियां
हालांकि जहां सेतुसमुद्रम बनना है उस जगह को लेकर विवाद है। मान्यता है कि यह वही जगह है जहां से होते हुए भगवान राम वानर सेना के साथ लंका पहुंचे थे। इस जगह पर समुद्र की गहराई काफी कम है।
सेतु समुद्रम परियोजना का विरोध कर रहे लोगों की दलील है कि इस परियोजना से लोगों की आस्था से जुड़े इस जगह को नुकसान पहुंचेगा। मामले में विवाद को बढ़ता देख एक कमेटी का गठन किया गया था।
कहा जा रहा है कि समिति ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि सेतु समुद्रम को काटने के अलावा अन्य विकल्प व्यावहारिक नहीं हैं। समिति का यह भी कहना है कि राम सेतु काटने के अलावा और कोई विकल्प आर्थिक आधार पर भी सही नहीं है।
राम सेतु का मामला तब गर्माया था जब भारत के दक्षिणी छोर और श्रीलंका के बीच सेतुसमुद्रम परियोजना को बनाने की बात समाने आई थी। इस समुद्री मार्ग के बनने से पश्चिमी तट से पूर्वी तट तक पहुचना आसान हो जाएगा।टिप्पणियां
हालांकि जहां सेतुसमुद्रम बनना है उस जगह को लेकर विवाद है। मान्यता है कि यह वही जगह है जहां से होते हुए भगवान राम वानर सेना के साथ लंका पहुंचे थे। इस जगह पर समुद्र की गहराई काफी कम है।
सेतु समुद्रम परियोजना का विरोध कर रहे लोगों की दलील है कि इस परियोजना से लोगों की आस्था से जुड़े इस जगह को नुकसान पहुंचेगा। मामले में विवाद को बढ़ता देख एक कमेटी का गठन किया गया था।
राम सेतु का मामला तब गर्माया था जब भारत के दक्षिणी छोर और श्रीलंका के बीच सेतुसमुद्रम परियोजना को बनाने की बात समाने आई थी। इस समुद्री मार्ग के बनने से पश्चिमी तट से पूर्वी तट तक पहुचना आसान हो जाएगा।टिप्पणियां
हालांकि जहां सेतुसमुद्रम बनना है उस जगह को लेकर विवाद है। मान्यता है कि यह वही जगह है जहां से होते हुए भगवान राम वानर सेना के साथ लंका पहुंचे थे। इस जगह पर समुद्र की गहराई काफी कम है।
सेतु समुद्रम परियोजना का विरोध कर रहे लोगों की दलील है कि इस परियोजना से लोगों की आस्था से जुड़े इस जगह को नुकसान पहुंचेगा। मामले में विवाद को बढ़ता देख एक कमेटी का गठन किया गया था।
हालांकि जहां सेतुसमुद्रम बनना है उस जगह को लेकर विवाद है। मान्यता है कि यह वही जगह है जहां से होते हुए भगवान राम वानर सेना के साथ लंका पहुंचे थे। इस जगह पर समुद्र की गहराई काफी कम है।
सेतु समुद्रम परियोजना का विरोध कर रहे लोगों की दलील है कि इस परियोजना से लोगों की आस्था से जुड़े इस जगह को नुकसान पहुंचेगा। मामले में विवाद को बढ़ता देख एक कमेटी का गठन किया गया था।
सेतु समुद्रम परियोजना का विरोध कर रहे लोगों की दलील है कि इस परियोजना से लोगों की आस्था से जुड़े इस जगह को नुकसान पहुंचेगा। मामले में विवाद को बढ़ता देख एक कमेटी का गठन किया गया था। | संक्षिप्त पाठ: इस समिति की रिपोर्ट पर सुनवाई करने के बाद सुप्रीम कोर्ट इस अहम मुद्दे पर फैसला लेगा। फिलहाल मामला पांच हफ्तों के लिए टाल दिया गया है। | 14 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: केंद्र में कांग्रेस की अगुवाई वाली संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) सरकार में समाजवादी पार्टी (सपा) के शामिल होने की अटकलों के बीच उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री व पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश यादव ने रविवार को कहा कि इस बारे में फैसला नेताजी (सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव) करेंगे।
अपनी सरकार में शामिल किए गए नए मंत्रियों के शपथ-ग्रहण के बाद संवाददाताओं से बातचीत में रविवार को अखिलेश ने कहा, "कांग्रेस या किसी दूसरी पार्टी से हमारे कैसे सम्बंध होंगे, इस बारे में फैसला नेताजी ही लेंगे।"
यह पूछे जाने पर क्या केंद्र की संप्रग सरकार को बाहर से समर्थन दे रही सपा अब सरकार में शामिल होने जा रही है, अखिलेश ने कहा, "इस बारे में निर्णय नेताजी ही लेंगे।"टिप्पणियां
मंत्रियों के बीच विभागों के बंटवारे के सवाल पर अखिलेश ने कहा, "रविवार शाम तक सभी मंत्रयिों के विभागों का बंटवारा कर दिया जाएगा।"
इस दौरान सपा महासचिव और प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री आजम खान ने कहा, "कांग्रेस के कुछ नेता टीवी पर सपा के सरकार में शामिल होने की बात कर रहे हैं। टीवी पर किसी कांग्रेस नेता के बयान देने से सपा केंद्र सरकार में शामिल नहीं हो जाएगी। कांग्रेस नेताओं को टीवी पर हल्की बातें करने से बचना चाहिए।"
अपनी सरकार में शामिल किए गए नए मंत्रियों के शपथ-ग्रहण के बाद संवाददाताओं से बातचीत में रविवार को अखिलेश ने कहा, "कांग्रेस या किसी दूसरी पार्टी से हमारे कैसे सम्बंध होंगे, इस बारे में फैसला नेताजी ही लेंगे।"
यह पूछे जाने पर क्या केंद्र की संप्रग सरकार को बाहर से समर्थन दे रही सपा अब सरकार में शामिल होने जा रही है, अखिलेश ने कहा, "इस बारे में निर्णय नेताजी ही लेंगे।"टिप्पणियां
मंत्रियों के बीच विभागों के बंटवारे के सवाल पर अखिलेश ने कहा, "रविवार शाम तक सभी मंत्रयिों के विभागों का बंटवारा कर दिया जाएगा।"
इस दौरान सपा महासचिव और प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री आजम खान ने कहा, "कांग्रेस के कुछ नेता टीवी पर सपा के सरकार में शामिल होने की बात कर रहे हैं। टीवी पर किसी कांग्रेस नेता के बयान देने से सपा केंद्र सरकार में शामिल नहीं हो जाएगी। कांग्रेस नेताओं को टीवी पर हल्की बातें करने से बचना चाहिए।"
यह पूछे जाने पर क्या केंद्र की संप्रग सरकार को बाहर से समर्थन दे रही सपा अब सरकार में शामिल होने जा रही है, अखिलेश ने कहा, "इस बारे में निर्णय नेताजी ही लेंगे।"टिप्पणियां
मंत्रियों के बीच विभागों के बंटवारे के सवाल पर अखिलेश ने कहा, "रविवार शाम तक सभी मंत्रयिों के विभागों का बंटवारा कर दिया जाएगा।"
इस दौरान सपा महासचिव और प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री आजम खान ने कहा, "कांग्रेस के कुछ नेता टीवी पर सपा के सरकार में शामिल होने की बात कर रहे हैं। टीवी पर किसी कांग्रेस नेता के बयान देने से सपा केंद्र सरकार में शामिल नहीं हो जाएगी। कांग्रेस नेताओं को टीवी पर हल्की बातें करने से बचना चाहिए।"
मंत्रियों के बीच विभागों के बंटवारे के सवाल पर अखिलेश ने कहा, "रविवार शाम तक सभी मंत्रयिों के विभागों का बंटवारा कर दिया जाएगा।"
इस दौरान सपा महासचिव और प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री आजम खान ने कहा, "कांग्रेस के कुछ नेता टीवी पर सपा के सरकार में शामिल होने की बात कर रहे हैं। टीवी पर किसी कांग्रेस नेता के बयान देने से सपा केंद्र सरकार में शामिल नहीं हो जाएगी। कांग्रेस नेताओं को टीवी पर हल्की बातें करने से बचना चाहिए।"
इस दौरान सपा महासचिव और प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री आजम खान ने कहा, "कांग्रेस के कुछ नेता टीवी पर सपा के सरकार में शामिल होने की बात कर रहे हैं। टीवी पर किसी कांग्रेस नेता के बयान देने से सपा केंद्र सरकार में शामिल नहीं हो जाएगी। कांग्रेस नेताओं को टीवी पर हल्की बातें करने से बचना चाहिए।" | संक्षिप्त सारांश: केंद्र में कांग्रेस की अगुवाई वाली संप्रग सरकार में सपा के शामिल होने की अटकलों के बीच अखिलेश यादव ने कहा कि इस बारे में फैसला सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव करेंगे। | 10 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: फुले के साथ ही समाजवादी पार्टी के नेता और फतेहपुर से पूर्व सांसद राकेश सचान भी कांग्रेस के साथ जुड़ गए हैं. यूपी में वापसी की कोशिश में लगी कांग्रेस के लिए इन दोनों नेताओं को अपने साथ करना उनकी बड़ी कामयाबी के तौर पर देखा जा रहा है. पिछले कई सालों से उत्तर प्रदेश में साइड लाइन रही कांग्रेस के साथ इन दो नेताओं के शामिल होने से स्पष्ट हो रहा है कि कांग्रेस राज्य की राजनीति में अपने आपको दोबारा स्थापित करने की कोशिश कर रही है.
कांग्रेस द्वारा हालही महासचिव नियुक्त किए गए प्रियंका गांधी वाड्रा और ज्योतिरादित्य सिंधिया की मौजूदगी यह दर्शाती है कि फुले और सचान को विरोधी पार्टी से लाने में इन दोनों ने अहम भूमिका निभाई है.
सावित्री बाई फुले और राकेश सचान ने पार्टी अध्यक्ष राहुल गांधी, महासचिव-प्रभारी (पूर्वी उत्तर प्रदेश) प्रियंका गांधी वाड्रा और महासचिव-प्रभारी (पश्चिमी उत्तर प्रदेश) ज्योतिरादित्य सिंधिया की मौजूदगी में पार्टी की पार्टी की सदस्यता ग्रहण की. कांग्रेस की ओर से जारी बयान में कहा गया, 'कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के सानिध्य में आज सावित्री बाई फुले (सांसद, बहराइच) और राकेश सचान (पूर्व सांसद, फतेहपुर) कांग्रेस परिवार का हिस्सा बने. उप्र महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा एवं ज्योतिरादित्य सिंधिया ने दोनों नेताओं का कांग्रेस परिवार में स्वागत किया.' | सारांश: सावित्री बाई फुले ने पिछले साल छोड़ दी थी BJP
BJP पर साधती रही हैं निशाना
पूर्व सपा सांसद भी हुए कांग्रेस में शामिल | 33 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: वोडाफोन और हचीसन के बीच 2007 में हुई 11.2 बिलियन की डील के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने आयकर को झटका दिया है। कोर्ट ने कहा है कि यह मामला आयकर विभाग के क्षेत्र में नहीं आता, क्योंकि दोनों कंपनियों के बीच डील विदेश में हुई थी और इसलिए इन पर कैपिटल गेन्स टैक्स लागू नहीं होता है।टिप्पणियां
कोर्ट ने आयकर विभाग को 2500 करोड़ रुपये का डिपॉजिट चार महीने की ब्याज के साथ वोडाफोन को लौटाने का आदेश भी दिया है। कोर्ट ने इसके लिए आयकर विभाग को दो महीने का समय दिया है।
वोडाफोन और हचीसन के बीच हुई डील के बाद आयकर विभाग ने वोडाफोन पर 11 हजार करोड़ रुपये का टैक्स लगाया था, जिसका विरोध करते हुए वोडाफोन ने आयकर विभाग के इस फैसले को बंबई हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। हाईकोर्ट ने अपने फैसले में कहा था यह डील आयकर विभाग के अधिकार क्षेत्र में है। इस फैसले के खिलाफ वोडाफोन ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी।
कोर्ट ने आयकर विभाग को 2500 करोड़ रुपये का डिपॉजिट चार महीने की ब्याज के साथ वोडाफोन को लौटाने का आदेश भी दिया है। कोर्ट ने इसके लिए आयकर विभाग को दो महीने का समय दिया है।
वोडाफोन और हचीसन के बीच हुई डील के बाद आयकर विभाग ने वोडाफोन पर 11 हजार करोड़ रुपये का टैक्स लगाया था, जिसका विरोध करते हुए वोडाफोन ने आयकर विभाग के इस फैसले को बंबई हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। हाईकोर्ट ने अपने फैसले में कहा था यह डील आयकर विभाग के अधिकार क्षेत्र में है। इस फैसले के खिलाफ वोडाफोन ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी।
वोडाफोन और हचीसन के बीच हुई डील के बाद आयकर विभाग ने वोडाफोन पर 11 हजार करोड़ रुपये का टैक्स लगाया था, जिसका विरोध करते हुए वोडाफोन ने आयकर विभाग के इस फैसले को बंबई हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। हाईकोर्ट ने अपने फैसले में कहा था यह डील आयकर विभाग के अधिकार क्षेत्र में है। इस फैसले के खिलाफ वोडाफोन ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी। | सुप्रीम कोर्ट ने वोडाफोन को राहत दी है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि यह आयकर विभाग का मसला नहीं है क्योंकि यह डील देश के बाहर हुई थी। | 6 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारत के दो महत्वपूर्ण महानगरों- दिल्ली और मुंबई को डीआरडीओ की बैलिस्टिक मिसाइल रक्षा (बीएमडी) प्रणाली के लिए चुना गया है। यह प्रणाली बहुत कम समय में तैनात की जा सकती है। सुरक्षा पर कैबिनेट समिति से अंतिम मंजूरी के लिए विस्तृत प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है।
सूत्रों ने कहा कि इन दोनों शहरों में बीएमडी प्रणाली लगाने के लिए रणनीतिक योजना बनाना शुरू किया जा चुका है और पूरी परियोजना के विस्तृत विश्लेषण के बाद सरकार के सामने अंतिम प्रस्ताव रखा जाएगा।
उन्होंने कहा कि दुश्मन की मिसाइल का पता लगाने के लिए राडार लगाने के स्थलों और जवाबी हमला करने वाली प्रणाली के बारे में योजना के स्तर पर फैसला होगा। सूत्रों ने कहा कि इन स्थलों में दुश्मन के हमले से बचाव और पर्याप्त व्यवस्थाएं होनी चाहिए।टिप्पणियां
हवाई हमलों से अधिकतम सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए डीआरडीओ हमला निरोधक मिसाइलें तैनात करेगा, जो दुश्मन की मिसाइलों को पृथ्वी के वायुमंडल और इसके बाहर मार गिराने में सक्षम होगा। उन्होंने कहा कि बीएमडी प्रणाली पूरी तरह ऑटोमैटिक है और इसमें मानवीय हस्तक्षेप की न्यूनतम जरूरत पड़ती है।
सूत्रों ने कहा कि दिल्ली और मुंबई में सफल तरीके से तैनात होने के बाद इस प्रणाली का देश के अन्य बड़े शहरों को सुरक्षित कवच देने में उपयोग किया जाएगा। प्रणाली की क्षमता 2016 तक पांच हजार किलोमीटर की दूरी तक किए जाने की तैयारी है।
सूत्रों ने कहा कि इन दोनों शहरों में बीएमडी प्रणाली लगाने के लिए रणनीतिक योजना बनाना शुरू किया जा चुका है और पूरी परियोजना के विस्तृत विश्लेषण के बाद सरकार के सामने अंतिम प्रस्ताव रखा जाएगा।
उन्होंने कहा कि दुश्मन की मिसाइल का पता लगाने के लिए राडार लगाने के स्थलों और जवाबी हमला करने वाली प्रणाली के बारे में योजना के स्तर पर फैसला होगा। सूत्रों ने कहा कि इन स्थलों में दुश्मन के हमले से बचाव और पर्याप्त व्यवस्थाएं होनी चाहिए।टिप्पणियां
हवाई हमलों से अधिकतम सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए डीआरडीओ हमला निरोधक मिसाइलें तैनात करेगा, जो दुश्मन की मिसाइलों को पृथ्वी के वायुमंडल और इसके बाहर मार गिराने में सक्षम होगा। उन्होंने कहा कि बीएमडी प्रणाली पूरी तरह ऑटोमैटिक है और इसमें मानवीय हस्तक्षेप की न्यूनतम जरूरत पड़ती है।
सूत्रों ने कहा कि दिल्ली और मुंबई में सफल तरीके से तैनात होने के बाद इस प्रणाली का देश के अन्य बड़े शहरों को सुरक्षित कवच देने में उपयोग किया जाएगा। प्रणाली की क्षमता 2016 तक पांच हजार किलोमीटर की दूरी तक किए जाने की तैयारी है।
उन्होंने कहा कि दुश्मन की मिसाइल का पता लगाने के लिए राडार लगाने के स्थलों और जवाबी हमला करने वाली प्रणाली के बारे में योजना के स्तर पर फैसला होगा। सूत्रों ने कहा कि इन स्थलों में दुश्मन के हमले से बचाव और पर्याप्त व्यवस्थाएं होनी चाहिए।टिप्पणियां
हवाई हमलों से अधिकतम सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए डीआरडीओ हमला निरोधक मिसाइलें तैनात करेगा, जो दुश्मन की मिसाइलों को पृथ्वी के वायुमंडल और इसके बाहर मार गिराने में सक्षम होगा। उन्होंने कहा कि बीएमडी प्रणाली पूरी तरह ऑटोमैटिक है और इसमें मानवीय हस्तक्षेप की न्यूनतम जरूरत पड़ती है।
सूत्रों ने कहा कि दिल्ली और मुंबई में सफल तरीके से तैनात होने के बाद इस प्रणाली का देश के अन्य बड़े शहरों को सुरक्षित कवच देने में उपयोग किया जाएगा। प्रणाली की क्षमता 2016 तक पांच हजार किलोमीटर की दूरी तक किए जाने की तैयारी है।
हवाई हमलों से अधिकतम सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए डीआरडीओ हमला निरोधक मिसाइलें तैनात करेगा, जो दुश्मन की मिसाइलों को पृथ्वी के वायुमंडल और इसके बाहर मार गिराने में सक्षम होगा। उन्होंने कहा कि बीएमडी प्रणाली पूरी तरह ऑटोमैटिक है और इसमें मानवीय हस्तक्षेप की न्यूनतम जरूरत पड़ती है।
सूत्रों ने कहा कि दिल्ली और मुंबई में सफल तरीके से तैनात होने के बाद इस प्रणाली का देश के अन्य बड़े शहरों को सुरक्षित कवच देने में उपयोग किया जाएगा। प्रणाली की क्षमता 2016 तक पांच हजार किलोमीटर की दूरी तक किए जाने की तैयारी है।
सूत्रों ने कहा कि दिल्ली और मुंबई में सफल तरीके से तैनात होने के बाद इस प्रणाली का देश के अन्य बड़े शहरों को सुरक्षित कवच देने में उपयोग किया जाएगा। प्रणाली की क्षमता 2016 तक पांच हजार किलोमीटर की दूरी तक किए जाने की तैयारी है। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: भारत के दो महत्वपूर्ण महानगरों- दिल्ली और मुंबई को डीआरडीओ की बैलिस्टिक मिसाइल रक्षा (बीएमडी) प्रणाली के लिए चुना गया है। यह प्रणाली बहुत कम समय में तैनात की जा सकती है। | 19 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने एफडीआई के फैसले पर विपक्ष और कुछ सहयोगी दलों की आलोचनाओं से विचलित हुए बिना शनिवार को कहा कि उनकी सरकार सुधार की प्रक्रिया जारी रखेगी। मनमोहन सिंह ने कहा, देश के लिए जो भी अच्छा है, हम करेंगे।
देश के नए प्रधान न्यायाधीश अल्तमस कबीर को पद की शपथ दिलाने के समारोह के बाद संवाददाताओं के सवालों के जवाब में प्रधानमंत्री ने कहा, चुनाव अभी बहुत दूर हैं। उनसे प्रश्न किया गया था कि मल्टी-ब्रांड रिटेल में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) को अनुमति देने, डीजल के दाम बढ़ाने और रसोई गैस सिलिंडर की राशनिंग करने के सरकार के फैसलों को क्या वह वापस लेंगे, क्योंकि चुनावों में कांग्रेस पर इसका बुरा असर पड़ सकता है।टिप्पणियां
अमेरिका को खुश करने के लिए एफडीआई का निर्णय करने के गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के आरोप पर उन्होंने कहा, अमेरिका का इससे क्या लेना देना है? हम ऐसा देश नहीं हैं, जो किसी और से निर्देशित हो।
ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल कांग्रेस के यूपीए से बाहर चले जाने के मुद्दे पर मनमोहन सिंह ने कहा, किसी भी बात को लेकर मेरे मन में कड़वाहट नहीं है। प्राकृतिक संसाधनों के आवंटन के बारे में सुप्रीम कोर्ट के हाल के विचार पर प्रधानमंत्री ने कहा, हम फैसले का सम्मान करेंगे।
देश के नए प्रधान न्यायाधीश अल्तमस कबीर को पद की शपथ दिलाने के समारोह के बाद संवाददाताओं के सवालों के जवाब में प्रधानमंत्री ने कहा, चुनाव अभी बहुत दूर हैं। उनसे प्रश्न किया गया था कि मल्टी-ब्रांड रिटेल में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) को अनुमति देने, डीजल के दाम बढ़ाने और रसोई गैस सिलिंडर की राशनिंग करने के सरकार के फैसलों को क्या वह वापस लेंगे, क्योंकि चुनावों में कांग्रेस पर इसका बुरा असर पड़ सकता है।टिप्पणियां
अमेरिका को खुश करने के लिए एफडीआई का निर्णय करने के गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के आरोप पर उन्होंने कहा, अमेरिका का इससे क्या लेना देना है? हम ऐसा देश नहीं हैं, जो किसी और से निर्देशित हो।
ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल कांग्रेस के यूपीए से बाहर चले जाने के मुद्दे पर मनमोहन सिंह ने कहा, किसी भी बात को लेकर मेरे मन में कड़वाहट नहीं है। प्राकृतिक संसाधनों के आवंटन के बारे में सुप्रीम कोर्ट के हाल के विचार पर प्रधानमंत्री ने कहा, हम फैसले का सम्मान करेंगे।
अमेरिका को खुश करने के लिए एफडीआई का निर्णय करने के गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के आरोप पर उन्होंने कहा, अमेरिका का इससे क्या लेना देना है? हम ऐसा देश नहीं हैं, जो किसी और से निर्देशित हो।
ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल कांग्रेस के यूपीए से बाहर चले जाने के मुद्दे पर मनमोहन सिंह ने कहा, किसी भी बात को लेकर मेरे मन में कड़वाहट नहीं है। प्राकृतिक संसाधनों के आवंटन के बारे में सुप्रीम कोर्ट के हाल के विचार पर प्रधानमंत्री ने कहा, हम फैसले का सम्मान करेंगे।
ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल कांग्रेस के यूपीए से बाहर चले जाने के मुद्दे पर मनमोहन सिंह ने कहा, किसी भी बात को लेकर मेरे मन में कड़वाहट नहीं है। प्राकृतिक संसाधनों के आवंटन के बारे में सुप्रीम कोर्ट के हाल के विचार पर प्रधानमंत्री ने कहा, हम फैसले का सम्मान करेंगे। | मनमोहन सिंह ने एफडीआई पर तमाम आलोचनाओं से विचलित हुए बिना कहा कि सरकार सुधार की प्रक्रिया जारी रखेगी। उन्होंने समय पूर्व चुनाव की संभावनाओं को भी खारिज कर दिया। | 6 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) में विनायक दामोदर सावरकर (Vinayak Damodar Savarkar) की आवक्ष प्रतिमा स्थापित किये जाने के खिलाफ शुक्रवार को विरोध प्रदर्शन में हिस्सा ले रहे कुछ छात्रों को हिरासत में ले लिया गया. पुलिस ने यह जानकारी दी. पुलिस ने बताया कि मौके पर मौजूद एक अन्य समूह के साथ झड़प को टालने के लिए कुछ छात्रों को हिरासत में लिया गया. छात्रों ने हालांकि दावा किया कि विभिन्न छात्र समूहों द्वारा 'शांतिपूर्ण हस्ताक्षर अभियान' का आयोजन किया गया था. राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) की अगुवाई वाले दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (डूसू) ने विश्वविद्यालय अधिकारियों की अनुमति लिये बगैर मंगलवार को कला संकाय के बाहर भगत सिंह और नेताजी सुभाषचंद्र बोस के साथ सावरकर की आवक्ष प्रतिमा स्थापित की थी.
पुलिस ने कला संकाय के बाहर कुछ प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया था जहां आवक्ष प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं. पुलिस ने बताया कि इसके बाद छात्रों को मौरिस नगर पुलिस थाने ले जाया गया और बाद में उन्हें छोड़ दिया गया. उन्होंने बताया कि प्रदर्शनकारी उग्र हो रहे थे.
उग्र होने संबंधी दावे को खारिज करते हुए प्रदर्शन करने वाले छात्रों ने कहा कि उनके 'शांतिपूर्ण हस्ताक्षर अभियान' को पुलिसकर्मियों ने रोका और उनके पर्चे फाड़ दिये. इस बीच डीयू प्रशासन के अधिकारियों ने कहा कि एबीवीपी पदाधिकारियों ने उन्हें आश्वासन दिया है कि आवक्ष प्रतिमाओं को किसी अन्य स्थान पर स्थापित किया जायेगा. | सारांश: दिल्ली यूनिवर्सिटी में सावरकर की प्रतिमा लगाने पर विरोध प्रदर्शन
विरोध प्रदर्शन में हिस्सा ले रहे कुछ छात्रों को हिरासत में ले लिया गया
छात्रों का दावा- शांतिपूर्ण हस्ताक्षर अभियान का आयोजन किया गया था | 5 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: दिग्विजय से पूछा गया था कि मोहन भागवत ने नागपुर में आज कहा है कि कुछ लोग देश को बांटने का काम रहे हैं, जबकि हम (RSS) एकजुटता का संदेश दे रहे हैं. मालूम हो कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने मंगलवार को विजयदशमी के मौके पर नागपुर के रेशमीबाग मैदान में 'शस्त्र पूजा' के बाद स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए कहा था कि 'भीड़ हत्या' (लिंचिंग) पश्चिमी तरीका है और देश को बदनाम करने के लिए भारत के संदर्भ में इसका इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए. 'लिंचिग' शब्द की उत्पत्ति भारतीय लोकाचार से नहीं हुई, ऐसे शब्द को भारतीयों पर ना थोपे.
इससे पहले महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस ने भी मोहन भागवत (Mohan Bhagwat) को भीड़ द्वारा पीट-पीट कर हत्या और अर्थव्यवस्था पर उनकी टिप्पणी के लिए उन्हें आड़े हाथों लिया. प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता सचिन सावंत ने कहा कि भीड़ द्वारा पीट-पीट कर हत्या की घटनाओं को अंजाम लेने वाले लोग आरएसएस की विचारधारा से आते हैं. सावंत ने कहा, 'आरएसएस का लिंचिंग से कोई लेना नहीं है, यह कहना वैसा ही झूठ है जैसे यह कहना झूठ है कि आरएसएस एक सांस्कृतिक संगठन है, जातिवाद का विरोधी है, आरक्षण का समर्थक है और संविधान तथा तिरंगे का सम्मान करता है.' कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया, 'झूठ फैलाना संघ परिवार की विचारधारा है.' | संक्षिप्त सारांश: मोहन भागवत के बयान पर दिग्विजय की चुटकी
दिग्विजय ने बताया कब खत्म होगी मॉब लिंचिंग
भागवत के एकजुटता पर दिए बयान पर कटाक्ष | 23 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: अगले तीन महीनों के भीतर लंदन में करीब 600 मिलियन पाउंड ($748 मिलियन) के चार रुपए मूल्यवर्ग के बॉन्ड्स- जिन्हें बोलचाल की भाषा में मसाला बॉन्ड भी कहा जाता है- लिस्ट किए जा सकते हैं. ब्रिटेन की सरकार ने सोमवार को यह कहा. बता दें कि ब्रिटेन की प्रधानमंत्री थेरेसा मे भारत की दो दिवसीय यात्रा पर है.
बता दें कि मसाला बांड विदेश में रुपये में जारी किए जाने वाले बॉन्ड होते हैं. इन चारों बॉन्ड्स के जरिए भारतीय हाइवे और रेल नेटवर्क को बढ़ाने के लिए फाइनेंस प्राप्त होने और ऊर्जा दक्षता व अक्षय ऊर्जा की दिशा में की गई योजनाओं को हासिल करने में मदद मिलेगी. ये बॉन्ड भारतीय सरकार के सपोर्ट वाले कॉरपोरेट इंडियन रेलवे फाइनेंस कॉरपोरेशन, इंडियन रीन्यूबेल एनर्जी डेवेलपमेंट एजेंसी, एनर्जी एफिशिएंसी सर्विसेस लिमिटेड और नेशनल हाइवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया द्वारा जारी किए जाएंगे. ये जनवरी 2017 तक जारी कर दिए जाएंगे.टिप्पणियां
ब्रिटिश पीएम ने कहा- यह भारत के विकास की गाथा में 'वोट ऑफ कॉन्फिडेंस' है. और यह दुनिया के प्रमुख वित्तीय केंद्र के तौर पर लंदन के लिए भी 'वोट ऑफ कॉन्फिडेंस' है. मे कह चुकी हैं कि वह भारत में अपनी यात्रा को पूरी तरह से भुनाना चाहेंगी जोकि उनकी किसी गैर यूरोपीय देश में (जुलाई में पदभार संभालने के बाद) पहली यात्रा है. वह दोनों देशों के बीच संबंध प्रगाढ़ करना चाहेंगी और ब्रेक्जिट के बाद की कारोबार संधियों के लिए रास्ता मुहाल करना चाहेंगी.
सराकर का कहना है कि जुलाई से लेकर अब तक 900 मिलियन पाउंड से अधिक मसाला बॉन्ड लंदन में जारी किए गए हैं जोकि वैश्विक बाजारों का 70 फीसदी है. मे ने एक स्टेटमेंट में कहा कि हमारी सरकार भारत और हमारी फाइनेंशल सर्विसेस के साथ और निकटता से काम करना चाहेगी ताकि बॉन्ड मार्केट में रुपए की ग्रोथ कायम रहे ताकि भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर संबंधी इन्वेस्टमेंट प्लान्स को वित्तीय मदद मिलती रहे. बता दें कि 2015 में पेश किए गए मसाला बॉन्ड भारतीय कंपनियों के लिए धन बनाने के लिए एक मौका हैं और साथ ही इनके जरिए इंटरनेशनल इन्वेस्टर्स की जीरो-मुनाफे वाली जगहों पर अच्छा मुनाफा कमाने के मौके देना है.
बता दें कि मसाला बांड विदेश में रुपये में जारी किए जाने वाले बॉन्ड होते हैं. इन चारों बॉन्ड्स के जरिए भारतीय हाइवे और रेल नेटवर्क को बढ़ाने के लिए फाइनेंस प्राप्त होने और ऊर्जा दक्षता व अक्षय ऊर्जा की दिशा में की गई योजनाओं को हासिल करने में मदद मिलेगी. ये बॉन्ड भारतीय सरकार के सपोर्ट वाले कॉरपोरेट इंडियन रेलवे फाइनेंस कॉरपोरेशन, इंडियन रीन्यूबेल एनर्जी डेवेलपमेंट एजेंसी, एनर्जी एफिशिएंसी सर्विसेस लिमिटेड और नेशनल हाइवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया द्वारा जारी किए जाएंगे. ये जनवरी 2017 तक जारी कर दिए जाएंगे.टिप्पणियां
ब्रिटिश पीएम ने कहा- यह भारत के विकास की गाथा में 'वोट ऑफ कॉन्फिडेंस' है. और यह दुनिया के प्रमुख वित्तीय केंद्र के तौर पर लंदन के लिए भी 'वोट ऑफ कॉन्फिडेंस' है. मे कह चुकी हैं कि वह भारत में अपनी यात्रा को पूरी तरह से भुनाना चाहेंगी जोकि उनकी किसी गैर यूरोपीय देश में (जुलाई में पदभार संभालने के बाद) पहली यात्रा है. वह दोनों देशों के बीच संबंध प्रगाढ़ करना चाहेंगी और ब्रेक्जिट के बाद की कारोबार संधियों के लिए रास्ता मुहाल करना चाहेंगी.
सराकर का कहना है कि जुलाई से लेकर अब तक 900 मिलियन पाउंड से अधिक मसाला बॉन्ड लंदन में जारी किए गए हैं जोकि वैश्विक बाजारों का 70 फीसदी है. मे ने एक स्टेटमेंट में कहा कि हमारी सरकार भारत और हमारी फाइनेंशल सर्विसेस के साथ और निकटता से काम करना चाहेगी ताकि बॉन्ड मार्केट में रुपए की ग्रोथ कायम रहे ताकि भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर संबंधी इन्वेस्टमेंट प्लान्स को वित्तीय मदद मिलती रहे. बता दें कि 2015 में पेश किए गए मसाला बॉन्ड भारतीय कंपनियों के लिए धन बनाने के लिए एक मौका हैं और साथ ही इनके जरिए इंटरनेशनल इन्वेस्टर्स की जीरो-मुनाफे वाली जगहों पर अच्छा मुनाफा कमाने के मौके देना है.
ब्रिटिश पीएम ने कहा- यह भारत के विकास की गाथा में 'वोट ऑफ कॉन्फिडेंस' है. और यह दुनिया के प्रमुख वित्तीय केंद्र के तौर पर लंदन के लिए भी 'वोट ऑफ कॉन्फिडेंस' है. मे कह चुकी हैं कि वह भारत में अपनी यात्रा को पूरी तरह से भुनाना चाहेंगी जोकि उनकी किसी गैर यूरोपीय देश में (जुलाई में पदभार संभालने के बाद) पहली यात्रा है. वह दोनों देशों के बीच संबंध प्रगाढ़ करना चाहेंगी और ब्रेक्जिट के बाद की कारोबार संधियों के लिए रास्ता मुहाल करना चाहेंगी.
सराकर का कहना है कि जुलाई से लेकर अब तक 900 मिलियन पाउंड से अधिक मसाला बॉन्ड लंदन में जारी किए गए हैं जोकि वैश्विक बाजारों का 70 फीसदी है. मे ने एक स्टेटमेंट में कहा कि हमारी सरकार भारत और हमारी फाइनेंशल सर्विसेस के साथ और निकटता से काम करना चाहेगी ताकि बॉन्ड मार्केट में रुपए की ग्रोथ कायम रहे ताकि भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर संबंधी इन्वेस्टमेंट प्लान्स को वित्तीय मदद मिलती रहे. बता दें कि 2015 में पेश किए गए मसाला बॉन्ड भारतीय कंपनियों के लिए धन बनाने के लिए एक मौका हैं और साथ ही इनके जरिए इंटरनेशनल इन्वेस्टर्स की जीरो-मुनाफे वाली जगहों पर अच्छा मुनाफा कमाने के मौके देना है.
सराकर का कहना है कि जुलाई से लेकर अब तक 900 मिलियन पाउंड से अधिक मसाला बॉन्ड लंदन में जारी किए गए हैं जोकि वैश्विक बाजारों का 70 फीसदी है. मे ने एक स्टेटमेंट में कहा कि हमारी सरकार भारत और हमारी फाइनेंशल सर्विसेस के साथ और निकटता से काम करना चाहेगी ताकि बॉन्ड मार्केट में रुपए की ग्रोथ कायम रहे ताकि भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर संबंधी इन्वेस्टमेंट प्लान्स को वित्तीय मदद मिलती रहे. बता दें कि 2015 में पेश किए गए मसाला बॉन्ड भारतीय कंपनियों के लिए धन बनाने के लिए एक मौका हैं और साथ ही इनके जरिए इंटरनेशनल इन्वेस्टर्स की जीरो-मुनाफे वाली जगहों पर अच्छा मुनाफा कमाने के मौके देना है. | संक्षिप्त सारांश: मसाला बांड विदेश में रुपये में जारी किए जाने वाले बॉन्ड होते हैं
600 मिलियन पाउंड के 4 रु मूल्यवर्ग के बॉन्ड्स लंदन में लिस्ट हो सकते हैं
ब्रिटिश सरकार ने यह कहा | 8 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: लोकसभा चुनाव 2019 के मद्देनजर चुनावी रैली को संबोधित करते हुए महाराष्ट्र के वर्धा में पीएम नरेंद्र मोदी ने एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार पर जमकर हमला बोला. महाराष्ट्र के वर्धा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि एक समय था जब शरद पवार सोचते थे कि वो भी प्रधानमंत्री बन सकते हैं. उन्होंने ऐलान भी किया था कि वो ये चुनाव लड़ेंगे. लेकिन अचानक एक दिन बोले कि नहीं, मैं तो यहां राज्यसभा में ही खुश हूं, मैं चुनाव नहीं लड़ूंगा. शरद पवार जी भी जानते हैं कि हवा का रुख किस तरफ है. पीएम मोदी ने कहा कि शरद पवार साहब देश के सबसे वरिष्ठ औऱ अनुभवी नेताओं में से एक रहे हैं. वो कोई भी काम बिना सोचे-विचारे नहीं करते.
पीएम मोदी ने शरद पवार पर वंशवाद की राजनीति करने का भी आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि शरद पवार द्वारा वंशवाद की राजनीति को बढ़ावा दिए जाने की वजह से ज्यादातर एनसीपी नेताओं को 'रिटायर्ड हर्ट' हो जाने का ही रास्ता ज्यादा आसान लग रहा है. पीएम मोद ने कहा कि अब आज पवार साहब को लोगों ने ही बोल्ड कर दिया है.
पीएम मोदी ने शरद पवार पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके झूठ, उनके झूठे वायदों की पोल खुल चुकी है और वो खुद भतीजे के हाथों हिट-विकेट हो चुके हैं. खुद एक किसान होने के बावजूद शरद पवार किसानों को भूल गए, उनकी चिंताओं को भूल गए. पीएम मोदी ने कहा कि उनके कार्यकाल में कितने ही किसानों को खुदकुशी के लिए मजबूर होना पड़ा, लेकिन पवार साहब ने कोई परवाह नहीं की.
पीएम मोदी ने कहा कि शरद पवार का ध्यान किसानों की स्थिति पर था ही नहीं. उन्होंने महाराष्ट्र के किसानों के लिए शरद पवार के भतीजे द्वारा उपयोग किए गए अपशब्दों की भी याद दिलाई. पीएम मोदी ने कहा कि मत भूलिए, जब महाराष्ट्र का किसान अजित पवार से बांधों में पानी के बारे में सवाल करने गया था तो उन्हें क्या जवाब मिला था. मत भूलिए, जब मावल के किसान अपने अधिकार के लिए लड़ रहे थे, तो पवार परिवार ने उन पर गोली चलाने का आदेश दे दिया था.
पीएम मोदी ने कहा कि पैसे की ये भूख मिटाने के लिए सिंचाई, स्टैंप, रीयल-इस्टेट, सड़क परियोजनाएं, सरकारी टेंडर, जहां से बन पड़ता है, जैसे बन पड़ता है, करोड़ों-अरबों रुपये जुटाए जाते हैं. महाराष्ट्र में कांग्रेस औऱ NCP का गठबंधन कुंभकरण की तरह है. जब वो सत्ता में होते हैं तो 6-6 महीने के लिए सोते हैं. 6 महीने में कोई एक उठता है और जनता का पैसा खाकर फिर सोने चला जाता है. पवार परिवार के लोग इसी बात पर माथापच्ची कर रहे हैं कि कौन सी सीटों से लड़ें, कहां छोड़ दें. इस वजह से दूसरों का धैर्य भी समाप्त हो रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि उनकी एक समस्या ये भी है कि एनसीपी में इस समय बहुत बड़ा पारिवारिक युद्ध चल रहा है. पार्टी उनके हाथ से निकलती जा रही है और स्थिति ये है कि पवार साहब के भतीजे धीरे-धीरे पार्टी पर कब्जा करते जा रहे हैं. इसी वजह से NCP को टिकट बंटवारे में भी दिक्कत आ रही है. | पीएम मोदी ने शरद पवार पर वंशवाद की राजनीति करने का आरोप लगाया.
पीएम मोदी ने कहा कि शरद पवार भतीजे के हाथों हिट विकेट हो चुके हैं.
वर्धा में एक चुनावी रैली को संबोधित कर रहे थे पीएम मोदी. | 28 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम सिंह के खिलाफ शुक्रवार को यौन दुष्कर्म मामले में फैसला आने के मद्देनजर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बाहरी दिल्ली में बड़ी संख्या में पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती की गई है. इस मामले में हरियाणा के पंचकूला में केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की अदालत अपना फैसला सुनाएगी.
पढ़ें: गुरमीत राम रहीम पर क्या है केस, जानें पूरा मामला
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि हरियाणा की सीमा से सटे बाहरी दिल्ली में करीब 14 पुलिस पिकेट पोस्ट की स्थापना की गई है और भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) की एक कंपनी भी तैनात की गई है.
पढ़ें: गुरमीत राम रहीम ने अपने अनुयायियों से की शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील, जारी किया वीडियोटिप्पणियां
हर समय सुरक्षा-व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर पोस्ट में चार पुलिस अधिकारियों की तैनाती की गई है और आईटीबीपी की कंपनी में लगभग 80 सदस्य हैं. अधिकारी ने बताया, हम हरियाणा सीमा से सटे पीरागढ़ी, कंझावला, मुंडका सीमा और बाबा हरदीस नगर पुलिस स्टेशन सीमा पर ज्यादा अहतियात बरत रहे हैं. दिल्ली पुलिस उपायुक्त व प्रवक्ता मधुर वर्मा ने बताया कि बाहरी दिल्ली को छोड़कर शहर में अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं की गई है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
पढ़ें: गुरमीत राम रहीम पर क्या है केस, जानें पूरा मामला
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि हरियाणा की सीमा से सटे बाहरी दिल्ली में करीब 14 पुलिस पिकेट पोस्ट की स्थापना की गई है और भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) की एक कंपनी भी तैनात की गई है.
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हर समय सुरक्षा-व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर पोस्ट में चार पुलिस अधिकारियों की तैनाती की गई है और आईटीबीपी की कंपनी में लगभग 80 सदस्य हैं. अधिकारी ने बताया, हम हरियाणा सीमा से सटे पीरागढ़ी, कंझावला, मुंडका सीमा और बाबा हरदीस नगर पुलिस स्टेशन सीमा पर ज्यादा अहतियात बरत रहे हैं. दिल्ली पुलिस उपायुक्त व प्रवक्ता मधुर वर्मा ने बताया कि बाहरी दिल्ली को छोड़कर शहर में अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं की गई है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि हरियाणा की सीमा से सटे बाहरी दिल्ली में करीब 14 पुलिस पिकेट पोस्ट की स्थापना की गई है और भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) की एक कंपनी भी तैनात की गई है.
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हर समय सुरक्षा-व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर पोस्ट में चार पुलिस अधिकारियों की तैनाती की गई है और आईटीबीपी की कंपनी में लगभग 80 सदस्य हैं. अधिकारी ने बताया, हम हरियाणा सीमा से सटे पीरागढ़ी, कंझावला, मुंडका सीमा और बाबा हरदीस नगर पुलिस स्टेशन सीमा पर ज्यादा अहतियात बरत रहे हैं. दिल्ली पुलिस उपायुक्त व प्रवक्ता मधुर वर्मा ने बताया कि बाहरी दिल्ली को छोड़कर शहर में अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं की गई है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
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हर समय सुरक्षा-व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर पोस्ट में चार पुलिस अधिकारियों की तैनाती की गई है और आईटीबीपी की कंपनी में लगभग 80 सदस्य हैं. अधिकारी ने बताया, हम हरियाणा सीमा से सटे पीरागढ़ी, कंझावला, मुंडका सीमा और बाबा हरदीस नगर पुलिस स्टेशन सीमा पर ज्यादा अहतियात बरत रहे हैं. दिल्ली पुलिस उपायुक्त व प्रवक्ता मधुर वर्मा ने बताया कि बाहरी दिल्ली को छोड़कर शहर में अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं की गई है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
हर समय सुरक्षा-व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर पोस्ट में चार पुलिस अधिकारियों की तैनाती की गई है और आईटीबीपी की कंपनी में लगभग 80 सदस्य हैं. अधिकारी ने बताया, हम हरियाणा सीमा से सटे पीरागढ़ी, कंझावला, मुंडका सीमा और बाबा हरदीस नगर पुलिस स्टेशन सीमा पर ज्यादा अहतियात बरत रहे हैं. दिल्ली पुलिस उपायुक्त व प्रवक्ता मधुर वर्मा ने बताया कि बाहरी दिल्ली को छोड़कर शहर में अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं की गई है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | संक्षिप्त पाठ: दिल्ली में बड़ी संख्या में पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती
गुरमीत राम रहीम केस में आएगा फैसला
हरियाणा से सटी सीमा पर खास फोकस | 14 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) के कार्यकारी बोर्ड की सोमवार को होने जा रही साल की चौथी और अंतिम बैठक में वर्ष 2013 की चैंपियंस ट्रॉफी को टेस्ट चैंपियनशिप में बदलने की संभावना, अध्यक्ष पद का नामांकन और चुनाव प्रक्रिया मुख्य एजेंडे में शामिल होगी। आईसीसी ने एक बयान में कहा कि हांगकांग में जून में हुई बैठक में, आईसीसी कार्यकारी बोर्ड ने स्वतंत्र संचालन समीक्षा की पुष्टि की थी और बाद में बारनेस के लार्ड वूल्फ को समीक्षा समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया गया। बयान में कहा गया कि लार्ड वूल्फ बैठक में उपस्थित होकर प्रगति रिपोर्ट उपलब्ध कराएंगे। इस बैठक के एजेंडे में आईसीसी और इसकी समितियों के ढांचे और उनकी भूमिका को स्पष्ट करना भी शामिल होगा, ताकि रणनीतिक लक्ष्यों को असरदार तरीके से हासिल किया जा सके और खेल के हित में फैसला हो। आईसीसी ने कहा कि बैठक में जिन अन्य अहम मुद्दों पर चर्चा होगी उसमें आईसीसी के अध्यक्ष पद का नामांकन और चुनाव प्रक्रिया शामिल है। | आईसीसी के कार्यकारी बोर्ड की सोमवार को होने जा रही बैठक में 2013 की चैंपियंस ट्रॉफी को टेस्ट चैंपियनशिप में बदलने की संभावना मुख्य एजेंडे में शामिल होगी। | 6 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: कांग्रेस पार्टी की तमिलनाडु शाखा में चल रहे विरोध के स्वर उस समय खुलकर सामने आ गए, जब राज्य कांग्रेस की एक बैठक से पार्टी के दो विधायक बाहर चले गए। यह बैठक इस साल के मई महीने में राज्य में होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए रणनीति बनाने के मकसद से आयोजित की गई थी। पार्टी सूत्रों ने बताया कि विधायक आरएम पलानीस्वामी और रानी वेंकटेसन बैठक को छोड़कर चले गए। इनकी मांग है कि डीएमके के साथ सीट बंटवारे पर बातचीत के लिए जो दल गठित की गई है, उसमें पार्टी के वरिष्ठ नेता ईवीकेएस एलांगोवान, कांग्रेस विधानमंडल पार्टी के नेता एसआर बालासुब्रमण्यम और विधायक डी यशोदा को शामिल किया जाए। गौरतलब है कि कांग्रेस ने सीटों के बंटवारे के लिए हाल में ही पांच सदस्यीय एक दल का गठन किया है। इसमें केंद्रीय मंत्री पी चिदंबरम और जीके वासन, पार्टी की प्रवक्ता जयंती नटराजन, तमिलनाडु कांग्रेस के अध्यक्ष केवी थांगकाबालू और अखिल भारतीय कांग्रेस समिति के अध्यक्ष जयकुमार को शामिल किया गया है। | संक्षिप्त सारांश: कांग्रेस की तमिलनाडु शाखा में चल रहे विरोध के स्वर उस समय खुलकर सामने आ गए, जब राज्य कांग्रेस की बैठक से पार्टी के दो विधायक बाहर चले गए। | 23 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: समाजवादी पार्टी के पूर्व महासचिव और राष्ट्रीय लोकमंच के अध्यक्ष अमर सिंह ने गुरुवार को कहा कि भविष्य में अगर सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव पर कोई मुसीबत आई, तो वह उनकी हरसंभव मदद करेंगे।टिप्पणियां
सिंह ने जिले के सिंकदरपुर में आयोजित चुनावी जनसभा में कहा, ‘‘मुलायम सिंह ने भले ही अपने सारे दरवाजे मेरे लिए बंद कर दिए हों, लेकिन अगर भविष्य में मुलायम किसी विपत्ति में पड़ते हैं, तो मैं उनका पूरा सहयोग करूंगा।’’ हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर सपा प्रमुख धन की लूट-खसोट के मामले में फंसते हैं, तो वह उनकी मदद नहीं करेंगे।
सपा से निष्कासन के बाद राष्ट्रीय लोकमंच का गठन करने वाले सिंह ने खुलासा किया कि उनकी तथा सांसद जयाप्रदा की आज लखनऊ हवाई अड्डे पर मुलायम सिंह से मुलाकात हुई थी। बकौल अमर सिंह, उन्होंने तथा जयाप्रदा ने यादव के पैर छुए और गुजारिश की कि वह बलात्कार पीड़ित महिलाओं को नौकरी देने की अपनी चुनावी घोषणा को वापस ले लें।
सिंह ने जिले के सिंकदरपुर में आयोजित चुनावी जनसभा में कहा, ‘‘मुलायम सिंह ने भले ही अपने सारे दरवाजे मेरे लिए बंद कर दिए हों, लेकिन अगर भविष्य में मुलायम किसी विपत्ति में पड़ते हैं, तो मैं उनका पूरा सहयोग करूंगा।’’ हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर सपा प्रमुख धन की लूट-खसोट के मामले में फंसते हैं, तो वह उनकी मदद नहीं करेंगे।
सपा से निष्कासन के बाद राष्ट्रीय लोकमंच का गठन करने वाले सिंह ने खुलासा किया कि उनकी तथा सांसद जयाप्रदा की आज लखनऊ हवाई अड्डे पर मुलायम सिंह से मुलाकात हुई थी। बकौल अमर सिंह, उन्होंने तथा जयाप्रदा ने यादव के पैर छुए और गुजारिश की कि वह बलात्कार पीड़ित महिलाओं को नौकरी देने की अपनी चुनावी घोषणा को वापस ले लें।
सपा से निष्कासन के बाद राष्ट्रीय लोकमंच का गठन करने वाले सिंह ने खुलासा किया कि उनकी तथा सांसद जयाप्रदा की आज लखनऊ हवाई अड्डे पर मुलायम सिंह से मुलाकात हुई थी। बकौल अमर सिंह, उन्होंने तथा जयाप्रदा ने यादव के पैर छुए और गुजारिश की कि वह बलात्कार पीड़ित महिलाओं को नौकरी देने की अपनी चुनावी घोषणा को वापस ले लें। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: अमर सिंह ने कहा, ‘‘मुलायम ने भले ही अपने सारे दरवाजे मेरे लिए बंद कर दिए हों, लेकिन अगर भविष्य में वह किसी विपत्ति में पड़ते हैं, तो मैं उनका पूरा सहयोग करूंगा।’’ | 19 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: भ्रष्टाचार पर बने मंत्री समूह में कुछ मंत्रियों की मौजूदगी पर अन्ना हजारे के सवाल उठाने पर सरकार ने बुधवार को अपनी प्रतिक्रिया दी है। जन लोकपाल बिल मंजूर करने को लेकर छिड़ी मुहिम पर मानव संसाधन विकास मंत्री कपिल सिब्बल ने कहा कि सरकार इस मामले में गौर करने को तैयार है।एनडीटीवी से बातचीत में सिब्बल ने अनशन कर रहे सामाजिक कार्यकर्ताओं से अपील की कि वह अनशन छोड़कर बातचीत के लिए आगे आएं। सिब्बल ने कहा, हमने उन्हें बताया था कि हम इस बारे में फैसले लेने के लिए अधिकृत नहीं हैं और हम उनकी मांगों को संबंधित मंत्री समूह को भेजेंगे, लेकिन मैं हतप्रभ हूं कि उन्होंने इतना कड़ा कदम उठा लिया। मैं समाज के इस बुद्धिजीवी वर्ग से अपील करूंगा कि वे बातचीत को रोके ना, बल्कि इसे आगे बढ़ाएं, क्योंकि भ्रष्टाचार को लेकर जितने चिंतित ये लोग है, उतना ही सरकार भी है। कानून मंत्री वीरप्पा मोइली का कहना है कि लोकपाल बिल पर चर्चा करने के वास्ते सरकार कमेटी बनाने के लिए तैयार है। जाने−माने समाजसेवी अन्ना हजारे के आमरण अनशन के साथ देश में भ्रष्टाचार के खिलाफ एक बड़ी जंग शुरू हो गई है। देशभर में लोग अन्ना हजारे के समर्थन में उतर रहे हैं और कई जाने−माने लोग उनके समर्थन में दिल्ली के जंतर-मंतर पर जमा हुए। देहरादून में भी लोगों ने अन्ना के समर्थन में कैंडल मार्च किया। गांधी पार्क में जमा होकर लोगों ने जुलूस निकाला और भ्रष्टाचार के खिलाफ एकजुट होने की अपील की। भुवनेश्वर में अन्ना हजारे के समर्थन में युवाओं ने रिले आमरण अनशन करना शुरू किया है। यहां के लोकनायक जय प्रकाश पार्क में जन लोक अदालत बिल के समर्थन में युवा एकजुट हो रहे हैं। ये लोग तब तक अनशन पर बैठेंगे, जब तक कि अन्ना हजारे की बात नहीं मान ली जाती है। लोकपाल बिल की समीक्षा के लिए बने मंत्रियों के समूह में शामिल शरद पवार के खिलाफ कई सवाल खड़े हुए हैं। अन्ना हजारे और उनकी मुहिम में शामिल लोगों का कहना है कि पवार पर भ्रष्टाचार के कई आरोप हैं, ऐसे में उन्हें ग्रुप ऑफ मिनिस्टर में नहीं रहना चाहिए। शरद पवार का कहना है कि अगर उन्हें ग्रुप ऑफ मिनिस्टर से हटाया जाए, तो उन्हें खुशी ही होगी। पवार के इस बयान पर स्वामी अग्निवेश ने पवार पर निशाना साधा है और कहा है कि वह खुद क्यों नहीं इस्तीफा दे देते हैं। | संक्षिप्त सारांश: जन लोकपाल बिल मंजूर करने को लेकर छिड़ी मुहिम पर मानव संसाधन विकास मंत्री कपिल सिब्बल ने कहा कि सरकार इस पर गौर करने को तैयार है। | 23 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: जे. जयललिता के निधन के बाद तमिलनाडु की संवेदनशील स्थिति को देखते हुए भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने भारत और इंग्लैंड के बीच 16 से 20 दिसंबर के बीच चेन्नई में होने वाले पांचवें और अंतिम टेस्ट मैच को किसी अन्य स्थान पर आयोजित करने का फैसला करने से पहले अभी इंतजार करने का निर्णय किया है.
बीसीसीआई सचिव अजय शिर्के ने पत्रकारों से कहा, ‘आप सभी जानते हैं कि चेन्नई में होने वाले आखिरी टेस्ट मैच को लेकर आज कुछ समाचार पत्रों में रिपोर्ट आई हैं. चेन्नई में बहुत दुर्भाग्यपूर्ण घटना घटी है. माननीय मुख्यमंत्री का निधन हो गया है. इसलिए मीडिया के कयासों के बजाय हम यह स्पष्ट करना चाह रहे हैं कि बीसीसीआई ने चेन्नई टेस्ट मैच को लेकर कोई फैसला नहीं किया है.’ शिर्के ने कहा, ‘हम स्थिति पर करीबी नजर रख रहे हैं और हम स्थानीय मेजबान संघ से भी जानकारी ले रहे हैं कि लोगों का मूड और भावनाएं कैसी हैं और इसी आधार पर मैच को लेकर अंतिम फैसला किया जाएगा.’टिप्पणियां
उन्होंने हालांकि 'प्लान बी' को लेकर कोई संकेत नहीं दिए और यह भी नहीं बताया कि कब तक स्थानीय संघ उन्हें फीडबैक देगा. शिर्के ने कहा, ‘‘हम इसके लिये समयसीमा तय नहीं कर सकते. हम स्थानीय संघ के संपर्क में है और हम फैसला करेंगे. हम हर दिन के आधार पर स्थिति का जायजा ले रहे हैं.’ तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जे जयललिता का कल रात चेन्नई में निधन हो गया था. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
बीसीसीआई सचिव अजय शिर्के ने पत्रकारों से कहा, ‘आप सभी जानते हैं कि चेन्नई में होने वाले आखिरी टेस्ट मैच को लेकर आज कुछ समाचार पत्रों में रिपोर्ट आई हैं. चेन्नई में बहुत दुर्भाग्यपूर्ण घटना घटी है. माननीय मुख्यमंत्री का निधन हो गया है. इसलिए मीडिया के कयासों के बजाय हम यह स्पष्ट करना चाह रहे हैं कि बीसीसीआई ने चेन्नई टेस्ट मैच को लेकर कोई फैसला नहीं किया है.’ शिर्के ने कहा, ‘हम स्थिति पर करीबी नजर रख रहे हैं और हम स्थानीय मेजबान संघ से भी जानकारी ले रहे हैं कि लोगों का मूड और भावनाएं कैसी हैं और इसी आधार पर मैच को लेकर अंतिम फैसला किया जाएगा.’टिप्पणियां
उन्होंने हालांकि 'प्लान बी' को लेकर कोई संकेत नहीं दिए और यह भी नहीं बताया कि कब तक स्थानीय संघ उन्हें फीडबैक देगा. शिर्के ने कहा, ‘‘हम इसके लिये समयसीमा तय नहीं कर सकते. हम स्थानीय संघ के संपर्क में है और हम फैसला करेंगे. हम हर दिन के आधार पर स्थिति का जायजा ले रहे हैं.’ तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जे जयललिता का कल रात चेन्नई में निधन हो गया था. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
उन्होंने हालांकि 'प्लान बी' को लेकर कोई संकेत नहीं दिए और यह भी नहीं बताया कि कब तक स्थानीय संघ उन्हें फीडबैक देगा. शिर्के ने कहा, ‘‘हम इसके लिये समयसीमा तय नहीं कर सकते. हम स्थानीय संघ के संपर्क में है और हम फैसला करेंगे. हम हर दिन के आधार पर स्थिति का जायजा ले रहे हैं.’ तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जे जयललिता का कल रात चेन्नई में निधन हो गया था. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: बोर्ड सचिव अजय शिर्के ने कहा, हम स्थिति पर नजर रखे हुए हैं
इसी आधार पर कोई भी अंतिम फैसला किया जाएगा
16 से 20 दिसंबर के बीच चेन्नई में होना है पांचवां टेस्ट मैच | 25 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: लेकिन क्षत विक्षत हालत में BMW के चेसिस और खोले गए चारों एयरबैग्स महरिया के दावे पर प्रश्नचिह्न लगा रहे हैं। इस पर महरिया का कहना है कि ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि उसका ड्राइवर ब्रेक और एक्सिलेरेटर को लेकर घबरा गया। मौके पर पीसीआर वैन में मौजूद पुलिसवालों का कहना है कि हादसे के वक्त नेता का बेटा ही गाड़ी चला रहा था।
एनडीटीवी से बातचीत में पीड़ित के एक रिश्तेदार ने कहा 'हम बहुत गरीब लोग हैं। मेरे जीजाजी अपने माता-पिता की अकेली औलाद था। वो अपनी दुकान का काम निपटाकर घर लौट रहा था।' वहीं सिद्धार्थ का कहना है कि 'मैं और मेरा परिवार पीड़ित परिवारों की हर तरह से मदद करने के लिए तैयार हैं। हमारा ब्लड टेस्ट भी हुआ है, किसी ने भी शराब नहीं पी थी और डॉक्टरों ने रिपोर्ट भी तैयार की है।' फिलहाल सिद्धार्थ पुलिस की हिरासत में है।
एनडीटीवी से बातचीत में पीड़ित के एक रिश्तेदार ने कहा 'हम बहुत गरीब लोग हैं। मेरे जीजाजी अपने माता-पिता की अकेली औलाद था। वो अपनी दुकान का काम निपटाकर घर लौट रहा था।' वहीं सिद्धार्थ का कहना है कि 'मैं और मेरा परिवार पीड़ित परिवारों की हर तरह से मदद करने के लिए तैयार हैं। हमारा ब्लड टेस्ट भी हुआ है, किसी ने भी शराब नहीं पी थी और डॉक्टरों ने रिपोर्ट भी तैयार की है।' फिलहाल सिद्धार्थ पुलिस की हिरासत में है। | संक्षिप्त पाठ: नंद किशोर महरिया सीकर के निर्दलीय विधायक हैं
गाड़ी विधायक का बेटा सिद्धार्थ कथित तौर पर चला रहा था
तीन ऑटोचालकों की मौके पर मौत | 14 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: पुलिस ने आज दक्षिण कश्मीर के पुलवामा जिले में कथित तौर पर आतंकवादियों और सुरक्षा बलों दोनों के लिए काम करने वाले 45 साल के एक व्यक्ति का गोली से छलनी शव बरामद किया है. एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि आज सुबह पुलवामा के गडोरा गांव में मोहम्मद यूसुफ लोन का शव बरामद किया गया है.
उन्होंने बताया कि शव पर कई गोलियों के निशान हैं. पुलिस उन परिस्थितियों की जांच कर रही है जिसमें उसकी हत्या की गयी है. अधिकारी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि लोन आतंकवादियों के लिए भूमिगत होकर काम करने के साथ साथ सुरक्षा बलों के एक सूत्र के रूप में भी काम कर रहा था. फिलहाल पूरी बात जांच रिपोर्ट आने के बाद ही पता चल पाएगी.
गौरतलब है कि कश्मीर में पिछले कई दिनों से आतंकवादियों और सुरक्षाबलों के बीच मुठभेड़ की खबरें आ रही हैं. कुछ दिन पहले ही सेना के 22 साल के लेफ्टिनेंट उमर फैयाज की अगवा कर हत्या कर दी गई थी. लेफ्टिनेंट उमर फैयाज की उस वक्त अगवा करके हत्या कर दी थी जब वो अपने एक रिश्तेदार के घर शादी में गए थे. उमर फैयाज कुलगाम के सुरसोना गांव के रहनेवाले थे. शादी में मौजूद लोगों का कहना है कि फैयाज दुल्हन के पास ही बैठा था जब आतंकी उसे घर से बाहर खींचकर ले गए और फिर उसकी हत्या कर दी.
फैयाज की अगवा कर हत्या करने वाले आतंकियों के संदिग्ध पोस्टर पुलिस ने जारी कर दिए हैं. पुलिस ने जिन तीन आतंकियों की तस्वीर जारी की है इनमें से इशफाक अहमद ठाकोर और गयास-उल-इस्लाम का ताल्लुक दक्षिण कश्मीर के पडरपुरा इलाके से है जबकि अब्बास अहमद भट्ट नाम का आतंकी मंत्रीबाग इलाके का रहने वाला है. ये तीनों आतंकी हिज्बुल मुजाहिदीन से जुड़े बताए गए हैं. पुलिस ने इन्हें पकड़ने में मदद करने वालों को ईनाम देने का भी ऐलान किया है. | 45 साल के एक व्यक्ति का गोली से छलनी शव बरामद
आतंकवादियों और पुलिस दोनों की मदद करता था
पुलवामा के गडोरा गांव का रहने वाला था | 26 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पाकिस्तान के पूर्व कप्तान वसीम अकरम ने कहा है कि वेस्टइंडीज के खिलाफ एकदिवसीय श्रृंखला के दौरान भारत के अधिकांश युवा खिलाड़ियों का प्रदर्शन निराशाजनक रहा। अकरम ने कहा कि घरेलू टूर्नामेंटों और आईपीएल में प्रदर्शन के दम पर टीम में जगह बनाने वाले एस बद्रीनाथ, शिखर धवन, पार्थिव पटेल और मनोज तिवारी जैसे खिलाड़ी वेस्टइंडीज में मौके का फायदा उठाने में विफल रहे। ईएसपीएनस्टार डॉट कॉम ने अकरम के हवाले से कहा, भारत ने वेस्टइंडीज की नई नवेली टीम के खिलाफ भले ही 3.2 से श्रृंखला जीत ली हो लेकिन मुझे नहीं लगता कि चयनकर्ता कुछ नए खिलाड़ियों के प्रदर्शन से खुश होंगे जिन्हें सीनियर खिलाड़ियों की गैरमौजूदगी में एकदिवसीय टीम में जगह दी गई थी। उन्होंने कहा, भारतीय क्रिकेट में प्रतिभावान खिलाड़ियों की कोई कमी नहीं है और एक मौका गंवाने का मतलब है कि शायद आपको कभी दोबारा राष्ट्रीय टीम का हिस्सा बनने का मौका नहीं मिले। इसके अलावा कोई भी अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट आपकी क्षमता की परीक्षा होती है। वेस्टइंडीज की टीम कागज पर भले ही बहुत मजबूत नजर नहीं आती हो लेकिन जीत का अंतर कम करके उन्होंने अच्छा प्रदर्शन किया है। | सारांश: पाक के पूर्व कप्तान वसीम अकरम ने कहा है कि वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे में भारत के अधिकांश युवा खिलाड़ियों का प्रदर्शन निराशाजनक रहा। | 31 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: मुश्किलों का सामना कर रहे भारतीय क्रिकेट बोर्ड के दो आला अधिकारियों के इस्तीफा देने के एक दिन बाद बीसीसीआई उपाध्यक्ष अरुण जेटली ने कहा कि अगले 24 घंटे में कुछ ‘महत्वपूर्ण’ हो सकता है।
आईपीएल स्पॉट फिक्सिंग प्रकरण के बावजूद बोर्ड अध्यक्ष एन श्रीनिवासन के अपने पद से इस्तीफा नहीं देने पर अड़े रहने के बाद शुक्रवार की रात बीसीसीआई सचिव संजय जगदाले और कोषाध्यक्ष अजय शिर्के ने विरोध स्वरूप इस्तीफा दे दिया।
यह पूछने पर कि क्या उनके सहित बोर्ड के पांचों उपाध्यक्ष आज इस्तीफा दे सकते हैं, जेटली ने कहा, ‘‘एक दिन इंतजार कीजिए, आपको कुछ महत्वपूर्ण सुनने को मिलेगा।’’ सट्टेबाजी में लिप्त होने के आरोप में श्रीनिवासन के दामाद और चेन्नई सुपरकिंग्स के टीम प्रिंसिपल गुरुनाथ मयप्पन की गिरफ्तारी के बाद बीसीसीआई का संकट लगातार गहराता जा रहा है।
श्रीनिवासन से इस्तीफा देने की मांग लगातार की जा रही है लेकिन उन्होंने इसे खारिज करते हुए कहा कि उन्होंने कुछ भी गलत नहीं किया है। श्रीनिवासन की कंपनी इंडिया सीमेंट्स चेन्नई सुपरकिंग्स का मालिकाना हक रखती है।
आईपीएल छह की शुरुआत में आईसीसी के मयप्पन को सटोरियों से दूर रहने के प्रति चेताने की खबर सामने आने के कुछ घंटों बाद ही श्रीनिवासन ने अगले हफ्ते कार्य समिति की आपात बैठक बुलाने की घोषणा की। इस बीच मय्यप्पन और चेन्नई सुपरकिंग्स के खिलाफ आरोपों की जांच करने वाली तीन सदस्यीय समिति में शामिल जगदाले ने जांच समिति से बाहर रहने का फैसला किया है।टिप्पणियां
जगदाले ने कहा, ‘‘मैंने जांच आयोग से जुड़ने में अपनी असमर्थता जता दी है।’’ इस तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं कि श्रीनिवासन पर और दबाव बढ़ाने के लिए आज संयुक्त सचिव अनुराग ठाकुर भी इस्तीफा दे सकते हैं।
बीसीसीआई के पांच उपाध्यक्ष जेटली (उत्तर क्षेत्र), निरंजन शाह (पश्चिम), सुधीर डाबिर (मध्य), चित्रक मित्रा (पूर्व) और शिवलाल यादव (दक्षिण) हैं।
आईपीएल स्पॉट फिक्सिंग प्रकरण के बावजूद बोर्ड अध्यक्ष एन श्रीनिवासन के अपने पद से इस्तीफा नहीं देने पर अड़े रहने के बाद शुक्रवार की रात बीसीसीआई सचिव संजय जगदाले और कोषाध्यक्ष अजय शिर्के ने विरोध स्वरूप इस्तीफा दे दिया।
यह पूछने पर कि क्या उनके सहित बोर्ड के पांचों उपाध्यक्ष आज इस्तीफा दे सकते हैं, जेटली ने कहा, ‘‘एक दिन इंतजार कीजिए, आपको कुछ महत्वपूर्ण सुनने को मिलेगा।’’ सट्टेबाजी में लिप्त होने के आरोप में श्रीनिवासन के दामाद और चेन्नई सुपरकिंग्स के टीम प्रिंसिपल गुरुनाथ मयप्पन की गिरफ्तारी के बाद बीसीसीआई का संकट लगातार गहराता जा रहा है।
श्रीनिवासन से इस्तीफा देने की मांग लगातार की जा रही है लेकिन उन्होंने इसे खारिज करते हुए कहा कि उन्होंने कुछ भी गलत नहीं किया है। श्रीनिवासन की कंपनी इंडिया सीमेंट्स चेन्नई सुपरकिंग्स का मालिकाना हक रखती है।
आईपीएल छह की शुरुआत में आईसीसी के मयप्पन को सटोरियों से दूर रहने के प्रति चेताने की खबर सामने आने के कुछ घंटों बाद ही श्रीनिवासन ने अगले हफ्ते कार्य समिति की आपात बैठक बुलाने की घोषणा की। इस बीच मय्यप्पन और चेन्नई सुपरकिंग्स के खिलाफ आरोपों की जांच करने वाली तीन सदस्यीय समिति में शामिल जगदाले ने जांच समिति से बाहर रहने का फैसला किया है।टिप्पणियां
जगदाले ने कहा, ‘‘मैंने जांच आयोग से जुड़ने में अपनी असमर्थता जता दी है।’’ इस तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं कि श्रीनिवासन पर और दबाव बढ़ाने के लिए आज संयुक्त सचिव अनुराग ठाकुर भी इस्तीफा दे सकते हैं।
बीसीसीआई के पांच उपाध्यक्ष जेटली (उत्तर क्षेत्र), निरंजन शाह (पश्चिम), सुधीर डाबिर (मध्य), चित्रक मित्रा (पूर्व) और शिवलाल यादव (दक्षिण) हैं।
यह पूछने पर कि क्या उनके सहित बोर्ड के पांचों उपाध्यक्ष आज इस्तीफा दे सकते हैं, जेटली ने कहा, ‘‘एक दिन इंतजार कीजिए, आपको कुछ महत्वपूर्ण सुनने को मिलेगा।’’ सट्टेबाजी में लिप्त होने के आरोप में श्रीनिवासन के दामाद और चेन्नई सुपरकिंग्स के टीम प्रिंसिपल गुरुनाथ मयप्पन की गिरफ्तारी के बाद बीसीसीआई का संकट लगातार गहराता जा रहा है।
श्रीनिवासन से इस्तीफा देने की मांग लगातार की जा रही है लेकिन उन्होंने इसे खारिज करते हुए कहा कि उन्होंने कुछ भी गलत नहीं किया है। श्रीनिवासन की कंपनी इंडिया सीमेंट्स चेन्नई सुपरकिंग्स का मालिकाना हक रखती है।
आईपीएल छह की शुरुआत में आईसीसी के मयप्पन को सटोरियों से दूर रहने के प्रति चेताने की खबर सामने आने के कुछ घंटों बाद ही श्रीनिवासन ने अगले हफ्ते कार्य समिति की आपात बैठक बुलाने की घोषणा की। इस बीच मय्यप्पन और चेन्नई सुपरकिंग्स के खिलाफ आरोपों की जांच करने वाली तीन सदस्यीय समिति में शामिल जगदाले ने जांच समिति से बाहर रहने का फैसला किया है।टिप्पणियां
जगदाले ने कहा, ‘‘मैंने जांच आयोग से जुड़ने में अपनी असमर्थता जता दी है।’’ इस तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं कि श्रीनिवासन पर और दबाव बढ़ाने के लिए आज संयुक्त सचिव अनुराग ठाकुर भी इस्तीफा दे सकते हैं।
बीसीसीआई के पांच उपाध्यक्ष जेटली (उत्तर क्षेत्र), निरंजन शाह (पश्चिम), सुधीर डाबिर (मध्य), चित्रक मित्रा (पूर्व) और शिवलाल यादव (दक्षिण) हैं।
श्रीनिवासन से इस्तीफा देने की मांग लगातार की जा रही है लेकिन उन्होंने इसे खारिज करते हुए कहा कि उन्होंने कुछ भी गलत नहीं किया है। श्रीनिवासन की कंपनी इंडिया सीमेंट्स चेन्नई सुपरकिंग्स का मालिकाना हक रखती है।
आईपीएल छह की शुरुआत में आईसीसी के मयप्पन को सटोरियों से दूर रहने के प्रति चेताने की खबर सामने आने के कुछ घंटों बाद ही श्रीनिवासन ने अगले हफ्ते कार्य समिति की आपात बैठक बुलाने की घोषणा की। इस बीच मय्यप्पन और चेन्नई सुपरकिंग्स के खिलाफ आरोपों की जांच करने वाली तीन सदस्यीय समिति में शामिल जगदाले ने जांच समिति से बाहर रहने का फैसला किया है।टिप्पणियां
जगदाले ने कहा, ‘‘मैंने जांच आयोग से जुड़ने में अपनी असमर्थता जता दी है।’’ इस तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं कि श्रीनिवासन पर और दबाव बढ़ाने के लिए आज संयुक्त सचिव अनुराग ठाकुर भी इस्तीफा दे सकते हैं।
बीसीसीआई के पांच उपाध्यक्ष जेटली (उत्तर क्षेत्र), निरंजन शाह (पश्चिम), सुधीर डाबिर (मध्य), चित्रक मित्रा (पूर्व) और शिवलाल यादव (दक्षिण) हैं।
आईपीएल छह की शुरुआत में आईसीसी के मयप्पन को सटोरियों से दूर रहने के प्रति चेताने की खबर सामने आने के कुछ घंटों बाद ही श्रीनिवासन ने अगले हफ्ते कार्य समिति की आपात बैठक बुलाने की घोषणा की। इस बीच मय्यप्पन और चेन्नई सुपरकिंग्स के खिलाफ आरोपों की जांच करने वाली तीन सदस्यीय समिति में शामिल जगदाले ने जांच समिति से बाहर रहने का फैसला किया है।टिप्पणियां
जगदाले ने कहा, ‘‘मैंने जांच आयोग से जुड़ने में अपनी असमर्थता जता दी है।’’ इस तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं कि श्रीनिवासन पर और दबाव बढ़ाने के लिए आज संयुक्त सचिव अनुराग ठाकुर भी इस्तीफा दे सकते हैं।
बीसीसीआई के पांच उपाध्यक्ष जेटली (उत्तर क्षेत्र), निरंजन शाह (पश्चिम), सुधीर डाबिर (मध्य), चित्रक मित्रा (पूर्व) और शिवलाल यादव (दक्षिण) हैं।
जगदाले ने कहा, ‘‘मैंने जांच आयोग से जुड़ने में अपनी असमर्थता जता दी है।’’ इस तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं कि श्रीनिवासन पर और दबाव बढ़ाने के लिए आज संयुक्त सचिव अनुराग ठाकुर भी इस्तीफा दे सकते हैं।
बीसीसीआई के पांच उपाध्यक्ष जेटली (उत्तर क्षेत्र), निरंजन शाह (पश्चिम), सुधीर डाबिर (मध्य), चित्रक मित्रा (पूर्व) और शिवलाल यादव (दक्षिण) हैं।
बीसीसीआई के पांच उपाध्यक्ष जेटली (उत्तर क्षेत्र), निरंजन शाह (पश्चिम), सुधीर डाबिर (मध्य), चित्रक मित्रा (पूर्व) और शिवलाल यादव (दक्षिण) हैं। | यह एक सारांश है: मुश्किलों का सामना कर रहे भारतीय क्रिकेट बोर्ड के दो आला अधिकारियों के इस्तीफा देने के एक दिन बाद बीसीसीआई उपाध्यक्ष अरुण जेटली ने कहा कि अगले 24 घंटे में कुछ ‘महत्वपूर्ण’ हो सकता है। | 21 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: जापान की प्रमुख कार कंपनी टोयोटा ने ड्राइवशाफ्ट में खराबी के कारण अपनी 1,100 कोरोला ऐल्टिस कारें वापस बुलाईं हैं।टिप्पणियां
कंपनी की भारतीय शाखा टोयोटा किलरेस्कर मोटर (टीकेएम) ने अपनी वेबसाइट पर एक बयान में कहा कि उसने टोयोटा कोरोला ऐल्टिस डीजल को वापस बुलाने का अभियान शुरू किया है।
कंपनी ने कहा ‘‘यह अभियान तीन अगस्त 2012 से 14 फरवरी 2013 के बीच बनी कोरोला ऐल्टिस डीजल के लिए है।’’ संपर्क करने पर टीकेएम के एक अधिकारी ने कहा कि इस अभियान से भारत में बेची गई उक्त मॉडल की 1,100 कारें प्रभावित होंगी।
कंपनी की भारतीय शाखा टोयोटा किलरेस्कर मोटर (टीकेएम) ने अपनी वेबसाइट पर एक बयान में कहा कि उसने टोयोटा कोरोला ऐल्टिस डीजल को वापस बुलाने का अभियान शुरू किया है।
कंपनी ने कहा ‘‘यह अभियान तीन अगस्त 2012 से 14 फरवरी 2013 के बीच बनी कोरोला ऐल्टिस डीजल के लिए है।’’ संपर्क करने पर टीकेएम के एक अधिकारी ने कहा कि इस अभियान से भारत में बेची गई उक्त मॉडल की 1,100 कारें प्रभावित होंगी।
कंपनी ने कहा ‘‘यह अभियान तीन अगस्त 2012 से 14 फरवरी 2013 के बीच बनी कोरोला ऐल्टिस डीजल के लिए है।’’ संपर्क करने पर टीकेएम के एक अधिकारी ने कहा कि इस अभियान से भारत में बेची गई उक्त मॉडल की 1,100 कारें प्रभावित होंगी। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: जापान की प्रमुख कार कंपनी टोयोटा ने ड्राइवशाफ्ट में खराबी के कारण अपनी 1,100 कोरोला ऐल्टिस कारें वापस बुलाईं हैं। कंपनी ने कहा ‘‘यह अभियान तीन अगस्त 2012 से 14 फरवरी 2013 के बीच बनी कोरोला ऐल्टिस डीजल के लिए है।’’ | 32 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: यूपी विधानसभा चुनावों में बीजेपी की ऐतिहासिक जीत पर पाकिस्तान की एक 11 साल की एक स्कूली छात्रा ने पीएम नरेंद्र मोदी को बधाई दी है. ANI के मुताबिक इसके साथ ही उसने पीएम मोदी को खत लिखकर गुजारिश की है कि उनको अब भारत और पाकिस्तान में अधिकाधिक लोगों का दिल जीतने की तरफ अपना ध्यान केंद्रित करना चाहिए. इसके लिए उसने पीएम मोदी से दोनों देशों के बीच 'शांति' का दूत बनने की भी गुजारिश की है. दुनिया न्यूज के मुताबिक इस स्कूली छात्रा का नाम अकीदत नावीद है और उसने भारत एवं पाकिस्तान के बीच शांति बहाली की जरूरत पर अपने खत में बल दिया है. उसके मुताबिक पीएम मोदी इस मामले में अहम भूमिका निभा सकते हैं और इस प्रक्रिया को तेजी से गति देने की दिशा में मदद कर सकते हैं. टिप्पणियां
अकीदत ने पीएम मोदी को संबोधित अपने दो पन्नों के खत में लिखा है, ''एक बार मेरे अब्बू ने कहा था कि दिलों को जीतना बहुत बड़ा काम है. संभवतया आपने भारतीय लोगों का दिल जीता है, इसीलिए यूपी चुनावों में आपको इतनी बड़ी कामयाबी मिली है. लेकिन मैं आपसे यह कहना चाहती हूं कि यदि आप अधिकाधिक भारतीयों और पाकिस्तानियों का दिल जीतना चाहते हैं तो आपको मित्रता और शांति से संबंधित उपायों पर ध्यान देना चाहिए. इन दोनों ही देशों को आपस में मधुर संबंधों की दरकार है. ऐसे में आप दोनों देशों के बीच शांति के दूत बन सकते हैं. हमको यह सुनिश्चित करना होगा कि हम गोलियों की जगह पुस्तकें खरीदेंगे. हम बंदूकें नहीं खरीदेंगे बल्कि उसकी जगह गरीबों के लिए दवाएं खरीदेंगे...''
उल्लेखनीय है कि अकीदत लाहौर से ताल्लुक रखती हैं और शांति की अपील के साथ विदेश मंत्री सुषमा स्वराज को भी इससे पहले खत लिख चुकी हैं.
अकीदत ने पीएम मोदी को संबोधित अपने दो पन्नों के खत में लिखा है, ''एक बार मेरे अब्बू ने कहा था कि दिलों को जीतना बहुत बड़ा काम है. संभवतया आपने भारतीय लोगों का दिल जीता है, इसीलिए यूपी चुनावों में आपको इतनी बड़ी कामयाबी मिली है. लेकिन मैं आपसे यह कहना चाहती हूं कि यदि आप अधिकाधिक भारतीयों और पाकिस्तानियों का दिल जीतना चाहते हैं तो आपको मित्रता और शांति से संबंधित उपायों पर ध्यान देना चाहिए. इन दोनों ही देशों को आपस में मधुर संबंधों की दरकार है. ऐसे में आप दोनों देशों के बीच शांति के दूत बन सकते हैं. हमको यह सुनिश्चित करना होगा कि हम गोलियों की जगह पुस्तकें खरीदेंगे. हम बंदूकें नहीं खरीदेंगे बल्कि उसकी जगह गरीबों के लिए दवाएं खरीदेंगे...''
उल्लेखनीय है कि अकीदत लाहौर से ताल्लुक रखती हैं और शांति की अपील के साथ विदेश मंत्री सुषमा स्वराज को भी इससे पहले खत लिख चुकी हैं.
उल्लेखनीय है कि अकीदत लाहौर से ताल्लुक रखती हैं और शांति की अपील के साथ विदेश मंत्री सुषमा स्वराज को भी इससे पहले खत लिख चुकी हैं. | यहाँ एक सारांश है:11 साल की स्कूली छात्रा अकीदत ने पीएम मोदी को लिखा खत
उसने पीएम मोदी से दोनों देशों के बीच शांति दूत बनने की गुजारिश की
इससे पहले वह ऐसी ही अपील सुषमा स्वराज से भी कर चुकी है | 15 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: अयोध्या में विवादास्पद ढांचा गिराए जाने की 20वीं बरसी पर इस घटना को लेकर विभिन्न राजनीतिक दलों के हंगामे के कारण आज लोकसभा की बैठक शुरू होने के करीब दस मिनट बाद ही दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।
सुबह कार्यवाही शुरू होने पर अध्यक्ष मीरा कुमार ने सदन को पाकिस्तान के संसदीय शिष्टमंडल के विशिष्ठ गैलरी में मौजूद होने की जानकारी दी।
इसके बाद अध्यक्ष ने जैसे ही प्रश्नकाल शुरू करने का निर्देश दिया, बसपा के शफीकुर्ररहमान बर्क आयोध्या में विवादास्पद ढांचा गिराये जाने का मुद्दे उठाते हुए काला झंडा लहराने लगे। उनके साथ एआईएमआईएम के असादुद्दीन ओवैसी भी यह विषय उठाने लगे और इसके दोषियों को दंडित किए जाने की मांग करने लगे।
भाजपा एवं शिवसेना सदस्य विवादास्पद स्थल पर राम मंदिर के निर्माण और काला झंडा दिखाने पर बर्क को निलंबित करने की मांग करते देखे गए।
अध्यक्ष ने काला झंडा लहराने वाले बर्क को तत्काल झंडा हटाने का निर्देश देने हुए कहा कि इस प्रकार से वह संसद का निरादर नहीं कर सकते हैं। आप संसद में काला झंडा नहीं लहरा सकते।
वामदलों और सपा सदस्यों को भी विवादास्पद ढांचा गिराने का विरोध करते देखा गया। ओवैसी और बर्क अध्यक्ष के आसन के समीप आ गए। इसके बाद भाजपा और शिवसेना सदस्य भी आसन के समीप आ गए।टिप्पणियां
अध्यक्ष मीरा कुमार ने सदस्यों को समझाते हुए कहा कि वह अपनी बात शून्यकाल के दौरान रख सकते हैं।
अध्यक्ष ने सदस्यों को अपने स्थान पर चले जाने और प्रश्नकाल चलने देने का आग्रह किया। लेकिन इसका कोई प्रभाव पड़ते नहीं देख उन्होंने 10 मिनट बाद कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी।
सुबह कार्यवाही शुरू होने पर अध्यक्ष मीरा कुमार ने सदन को पाकिस्तान के संसदीय शिष्टमंडल के विशिष्ठ गैलरी में मौजूद होने की जानकारी दी।
इसके बाद अध्यक्ष ने जैसे ही प्रश्नकाल शुरू करने का निर्देश दिया, बसपा के शफीकुर्ररहमान बर्क आयोध्या में विवादास्पद ढांचा गिराये जाने का मुद्दे उठाते हुए काला झंडा लहराने लगे। उनके साथ एआईएमआईएम के असादुद्दीन ओवैसी भी यह विषय उठाने लगे और इसके दोषियों को दंडित किए जाने की मांग करने लगे।
भाजपा एवं शिवसेना सदस्य विवादास्पद स्थल पर राम मंदिर के निर्माण और काला झंडा दिखाने पर बर्क को निलंबित करने की मांग करते देखे गए।
अध्यक्ष ने काला झंडा लहराने वाले बर्क को तत्काल झंडा हटाने का निर्देश देने हुए कहा कि इस प्रकार से वह संसद का निरादर नहीं कर सकते हैं। आप संसद में काला झंडा नहीं लहरा सकते।
वामदलों और सपा सदस्यों को भी विवादास्पद ढांचा गिराने का विरोध करते देखा गया। ओवैसी और बर्क अध्यक्ष के आसन के समीप आ गए। इसके बाद भाजपा और शिवसेना सदस्य भी आसन के समीप आ गए।टिप्पणियां
अध्यक्ष मीरा कुमार ने सदस्यों को समझाते हुए कहा कि वह अपनी बात शून्यकाल के दौरान रख सकते हैं।
अध्यक्ष ने सदस्यों को अपने स्थान पर चले जाने और प्रश्नकाल चलने देने का आग्रह किया। लेकिन इसका कोई प्रभाव पड़ते नहीं देख उन्होंने 10 मिनट बाद कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी।
इसके बाद अध्यक्ष ने जैसे ही प्रश्नकाल शुरू करने का निर्देश दिया, बसपा के शफीकुर्ररहमान बर्क आयोध्या में विवादास्पद ढांचा गिराये जाने का मुद्दे उठाते हुए काला झंडा लहराने लगे। उनके साथ एआईएमआईएम के असादुद्दीन ओवैसी भी यह विषय उठाने लगे और इसके दोषियों को दंडित किए जाने की मांग करने लगे।
भाजपा एवं शिवसेना सदस्य विवादास्पद स्थल पर राम मंदिर के निर्माण और काला झंडा दिखाने पर बर्क को निलंबित करने की मांग करते देखे गए।
अध्यक्ष ने काला झंडा लहराने वाले बर्क को तत्काल झंडा हटाने का निर्देश देने हुए कहा कि इस प्रकार से वह संसद का निरादर नहीं कर सकते हैं। आप संसद में काला झंडा नहीं लहरा सकते।
वामदलों और सपा सदस्यों को भी विवादास्पद ढांचा गिराने का विरोध करते देखा गया। ओवैसी और बर्क अध्यक्ष के आसन के समीप आ गए। इसके बाद भाजपा और शिवसेना सदस्य भी आसन के समीप आ गए।टिप्पणियां
अध्यक्ष मीरा कुमार ने सदस्यों को समझाते हुए कहा कि वह अपनी बात शून्यकाल के दौरान रख सकते हैं।
अध्यक्ष ने सदस्यों को अपने स्थान पर चले जाने और प्रश्नकाल चलने देने का आग्रह किया। लेकिन इसका कोई प्रभाव पड़ते नहीं देख उन्होंने 10 मिनट बाद कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी।
भाजपा एवं शिवसेना सदस्य विवादास्पद स्थल पर राम मंदिर के निर्माण और काला झंडा दिखाने पर बर्क को निलंबित करने की मांग करते देखे गए।
अध्यक्ष ने काला झंडा लहराने वाले बर्क को तत्काल झंडा हटाने का निर्देश देने हुए कहा कि इस प्रकार से वह संसद का निरादर नहीं कर सकते हैं। आप संसद में काला झंडा नहीं लहरा सकते।
वामदलों और सपा सदस्यों को भी विवादास्पद ढांचा गिराने का विरोध करते देखा गया। ओवैसी और बर्क अध्यक्ष के आसन के समीप आ गए। इसके बाद भाजपा और शिवसेना सदस्य भी आसन के समीप आ गए।टिप्पणियां
अध्यक्ष मीरा कुमार ने सदस्यों को समझाते हुए कहा कि वह अपनी बात शून्यकाल के दौरान रख सकते हैं।
अध्यक्ष ने सदस्यों को अपने स्थान पर चले जाने और प्रश्नकाल चलने देने का आग्रह किया। लेकिन इसका कोई प्रभाव पड़ते नहीं देख उन्होंने 10 मिनट बाद कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी।
अध्यक्ष ने काला झंडा लहराने वाले बर्क को तत्काल झंडा हटाने का निर्देश देने हुए कहा कि इस प्रकार से वह संसद का निरादर नहीं कर सकते हैं। आप संसद में काला झंडा नहीं लहरा सकते।
वामदलों और सपा सदस्यों को भी विवादास्पद ढांचा गिराने का विरोध करते देखा गया। ओवैसी और बर्क अध्यक्ष के आसन के समीप आ गए। इसके बाद भाजपा और शिवसेना सदस्य भी आसन के समीप आ गए।टिप्पणियां
अध्यक्ष मीरा कुमार ने सदस्यों को समझाते हुए कहा कि वह अपनी बात शून्यकाल के दौरान रख सकते हैं।
अध्यक्ष ने सदस्यों को अपने स्थान पर चले जाने और प्रश्नकाल चलने देने का आग्रह किया। लेकिन इसका कोई प्रभाव पड़ते नहीं देख उन्होंने 10 मिनट बाद कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी।
वामदलों और सपा सदस्यों को भी विवादास्पद ढांचा गिराने का विरोध करते देखा गया। ओवैसी और बर्क अध्यक्ष के आसन के समीप आ गए। इसके बाद भाजपा और शिवसेना सदस्य भी आसन के समीप आ गए।टिप्पणियां
अध्यक्ष मीरा कुमार ने सदस्यों को समझाते हुए कहा कि वह अपनी बात शून्यकाल के दौरान रख सकते हैं।
अध्यक्ष ने सदस्यों को अपने स्थान पर चले जाने और प्रश्नकाल चलने देने का आग्रह किया। लेकिन इसका कोई प्रभाव पड़ते नहीं देख उन्होंने 10 मिनट बाद कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी।
अध्यक्ष मीरा कुमार ने सदस्यों को समझाते हुए कहा कि वह अपनी बात शून्यकाल के दौरान रख सकते हैं।
अध्यक्ष ने सदस्यों को अपने स्थान पर चले जाने और प्रश्नकाल चलने देने का आग्रह किया। लेकिन इसका कोई प्रभाव पड़ते नहीं देख उन्होंने 10 मिनट बाद कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी।
अध्यक्ष ने सदस्यों को अपने स्थान पर चले जाने और प्रश्नकाल चलने देने का आग्रह किया। लेकिन इसका कोई प्रभाव पड़ते नहीं देख उन्होंने 10 मिनट बाद कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी। | अयोध्या में विवादास्पद ढांचा गिराए जाने की 20वीं बरसी पर इस घटना को लेकर विभिन्न राजनीतिक दलों के हंगामे के कारण आज लोकसभा की बैठक शुरू होने के करीब दस मिनट बाद ही दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई। | 34 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: बिहार के औरंगाबाद जिले में मुफस्सिल थाना अंतर्गत तीताईबिगहा गांव में राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 139 पर मजदूरों को ले जा रहे एक ट्रक के गुरुवार तड़के अनियंत्रित होकर सड़क के किनारे एक गड्ढे में पलट जाने से 25 लोगों की मौत हो गई और 10 घायल हो गए।टिप्पणियां
पुलिस अधीक्षक दलजीत सिंह ने बताया कि तिताईबिगहा गांव के समीप एक ट्रक के अनियंत्रित होकर सड़क के किनारे पलट जाने से उस पर सवार 35 मजदूरों में से 25 की मौत हो गई। हादसे में 10 मजदूर घायल हो गए हैं। बचाव कार्य जारी है।
उन्होंने बताया कि औरंगाबाद से धान की कटाई के बाद पड़ोसी राज्य झारखंड के पलामू जिले के लेसलीगंज लौटते समय यह हादसा हुआ। ट्रक पर धान के बोरे लदे हुए थे। बताया जाता है कि ट्रक पलटने और भारी बोरों के नीचे दब जाने से लोगों की मौत हुई।
पुलिस अधीक्षक दलजीत सिंह ने बताया कि तिताईबिगहा गांव के समीप एक ट्रक के अनियंत्रित होकर सड़क के किनारे पलट जाने से उस पर सवार 35 मजदूरों में से 25 की मौत हो गई। हादसे में 10 मजदूर घायल हो गए हैं। बचाव कार्य जारी है।
उन्होंने बताया कि औरंगाबाद से धान की कटाई के बाद पड़ोसी राज्य झारखंड के पलामू जिले के लेसलीगंज लौटते समय यह हादसा हुआ। ट्रक पर धान के बोरे लदे हुए थे। बताया जाता है कि ट्रक पलटने और भारी बोरों के नीचे दब जाने से लोगों की मौत हुई।
उन्होंने बताया कि औरंगाबाद से धान की कटाई के बाद पड़ोसी राज्य झारखंड के पलामू जिले के लेसलीगंज लौटते समय यह हादसा हुआ। ट्रक पर धान के बोरे लदे हुए थे। बताया जाता है कि ट्रक पलटने और भारी बोरों के नीचे दब जाने से लोगों की मौत हुई। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: औरंगाबाद जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 139 पर मजदूरों को ले जा रहे एक ट्रक के अनियंत्रित होकर सड़क के किनारे एक गड्ढे में पलट जाने से 25 लोगों की मौत हो गई और 10 घायल हो गए। | 25 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: फिच रेटिंग्स ने चालू वित्तवर्ष के लिए भारत की वृद्धि दर का अनुमान घटाकर 4.8 प्रतिशत कर दिया है। उसने कहा है कि कमजोर मांग से अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर प्रभावित होगी।टिप्पणियां
फिच की जारी 'वैश्विक आर्थिक परिदृश्य' रिपोर्ट में कहा गया है कि मई के बाद से घरेलू मुद्रा में 20 प्रतिशत की गिरावट से अर्थव्यवस्था की स्थिति में सुधार की संभावनाएं और कम हुई हैं। इससे पहले फिच ने जून में 2013-14 में भारत की आर्थिक वृद्धि दर 5.7 प्रतिशत रहने का अनुमान लगाया था।
देश की वृद्धि दर के अनुमान में ऐसे समय में कमी की गई है, जब उसके समक्ष धीमी वृद्धि दर, विनिमय दर तथा चालू खाते के घाटे की चिंता है। अप्रैल-जून की तिमाही में देश की वृद्धि दर घटकर 4.4 प्रतिशत रह गई, जो जनवरी-मार्च की तिमाही में 4.8 प्रतिशत रही थी।
फिच की जारी 'वैश्विक आर्थिक परिदृश्य' रिपोर्ट में कहा गया है कि मई के बाद से घरेलू मुद्रा में 20 प्रतिशत की गिरावट से अर्थव्यवस्था की स्थिति में सुधार की संभावनाएं और कम हुई हैं। इससे पहले फिच ने जून में 2013-14 में भारत की आर्थिक वृद्धि दर 5.7 प्रतिशत रहने का अनुमान लगाया था।
देश की वृद्धि दर के अनुमान में ऐसे समय में कमी की गई है, जब उसके समक्ष धीमी वृद्धि दर, विनिमय दर तथा चालू खाते के घाटे की चिंता है। अप्रैल-जून की तिमाही में देश की वृद्धि दर घटकर 4.4 प्रतिशत रह गई, जो जनवरी-मार्च की तिमाही में 4.8 प्रतिशत रही थी।
देश की वृद्धि दर के अनुमान में ऐसे समय में कमी की गई है, जब उसके समक्ष धीमी वृद्धि दर, विनिमय दर तथा चालू खाते के घाटे की चिंता है। अप्रैल-जून की तिमाही में देश की वृद्धि दर घटकर 4.4 प्रतिशत रह गई, जो जनवरी-मार्च की तिमाही में 4.8 प्रतिशत रही थी। | यहाँ एक सारांश है:इससे पहले फिच ने जून में 2013-14 में भारत की आर्थिक वृद्धि दर 5.7 प्रतिशत रहने का अनुमान लगाया था। देश की वृद्धि दर के अनुमान में ऐसे समय में कमी की गई है, जब उसके समक्ष धीमी वृद्धि दर, विनिमय दर तथा चालू खाते के घाटे की चिंता है। | 17 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: जम्मू-कश्मीर की मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने घाटी में स्थानीय अखबारों पर प्रतिबंध को लेकर खेद जताया और कहा कि सरकार ने जानबूझकर ऐसा नहीं किया, बल्कि संवाद में कमी के कारण ऐसा हुआ।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अखबारों के प्रकाशन पर प्रतिबंध लगाने का सरकार ने जानबूझकर कोई प्रयास नहीं किया, बहरहाल संवाद की कमी के कारण जो भी हुआ वह खेदजनक है। एक सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि स्थानीय अखबारों के संपादकों और मालिकों से बातचीत के दौरान उन्होंने यह बात कही। संपादकों और मालिकों ने प्रकाशनों को बहाल करने और कानून-व्यवस्था की वर्तमान स्थिति के मद्देनजर स्थानीय मीडिया के समक्ष आ रहे अन्य मुद्दों पर उनसे मुलाकात की।टिप्पणियां
प्रवक्ता ने कहा कि महबूबा ने संपादकों और मालिकों को आश्वासन दिया कि सरकार पत्रकारों और अखबार के अन्य कर्मियों को अधिकतम सुचारू आवागमन की अनुमति देगी ताकि वे निर्बाध रूप से अपना पेशेवर काम कर सकें। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने संपादकों-मालिकों को आश्वस्त किया कि 'राज्य सरकार किसी भी कीमत पर मीडिया की स्वतंत्रता के लिए प्रतिबद्ध है।' (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
मुख्यमंत्री ने कहा कि अखबारों के प्रकाशन पर प्रतिबंध लगाने का सरकार ने जानबूझकर कोई प्रयास नहीं किया, बहरहाल संवाद की कमी के कारण जो भी हुआ वह खेदजनक है। एक सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि स्थानीय अखबारों के संपादकों और मालिकों से बातचीत के दौरान उन्होंने यह बात कही। संपादकों और मालिकों ने प्रकाशनों को बहाल करने और कानून-व्यवस्था की वर्तमान स्थिति के मद्देनजर स्थानीय मीडिया के समक्ष आ रहे अन्य मुद्दों पर उनसे मुलाकात की।टिप्पणियां
प्रवक्ता ने कहा कि महबूबा ने संपादकों और मालिकों को आश्वासन दिया कि सरकार पत्रकारों और अखबार के अन्य कर्मियों को अधिकतम सुचारू आवागमन की अनुमति देगी ताकि वे निर्बाध रूप से अपना पेशेवर काम कर सकें। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने संपादकों-मालिकों को आश्वस्त किया कि 'राज्य सरकार किसी भी कीमत पर मीडिया की स्वतंत्रता के लिए प्रतिबद्ध है।' (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
प्रवक्ता ने कहा कि महबूबा ने संपादकों और मालिकों को आश्वासन दिया कि सरकार पत्रकारों और अखबार के अन्य कर्मियों को अधिकतम सुचारू आवागमन की अनुमति देगी ताकि वे निर्बाध रूप से अपना पेशेवर काम कर सकें। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने संपादकों-मालिकों को आश्वस्त किया कि 'राज्य सरकार किसी भी कीमत पर मीडिया की स्वतंत्रता के लिए प्रतिबद्ध है।' (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | सारांश: हिज्बुल आतंकी बुरहान वानी की मौत के बाद हिंसा की चपेट में घाटी
घाटी में पिछले कुछ दिनों से बंद था अखबारों का प्रकाशन
सीएम ने कहा कि संवाद में कमी के कारण ऐसा हुआ | 5 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: भारत की गीता फोगाट लंदन ओलम्पिक की महिलाओं की 55 किलोग्राम फ्री स्टाइल कुश्ती स्पर्धा में हार गई हैं।टिप्पणियां
गुरुवार को प्री-क्वोर्टरफाइनल में गीता का सामना कनाडा की टोनिया लिन वेरवीक से हुआ। टोनिया ने उन्हें 3-1 से पराजित किया। पहले राउंड में टोनिया ने एक अंक के साथ जीत हासिल की, जबकि गीता ने दूसरा राउंड इसी अंतर से जीता।
तीसरे और निर्णायक राउंड में गीता बेहतर बचाव नहीं कर सकी और इस कारण टोनिया को तीन अंक मिल गए। अंतिम क्षणों में गीता ने जोरदार आक्रमण कर एक अंक हासिल किया, लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। उल्लेखनीय है कि राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण जीत चुकी गीता को क्वालिफाइंग दौर में बाई मिला था।
गुरुवार को प्री-क्वोर्टरफाइनल में गीता का सामना कनाडा की टोनिया लिन वेरवीक से हुआ। टोनिया ने उन्हें 3-1 से पराजित किया। पहले राउंड में टोनिया ने एक अंक के साथ जीत हासिल की, जबकि गीता ने दूसरा राउंड इसी अंतर से जीता।
तीसरे और निर्णायक राउंड में गीता बेहतर बचाव नहीं कर सकी और इस कारण टोनिया को तीन अंक मिल गए। अंतिम क्षणों में गीता ने जोरदार आक्रमण कर एक अंक हासिल किया, लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। उल्लेखनीय है कि राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण जीत चुकी गीता को क्वालिफाइंग दौर में बाई मिला था।
तीसरे और निर्णायक राउंड में गीता बेहतर बचाव नहीं कर सकी और इस कारण टोनिया को तीन अंक मिल गए। अंतिम क्षणों में गीता ने जोरदार आक्रमण कर एक अंक हासिल किया, लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। उल्लेखनीय है कि राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण जीत चुकी गीता को क्वालिफाइंग दौर में बाई मिला था। | सारांश: भारत की गीता फोगट लंदन ओलिम्पिक की महिलाओं की 55 किलोग्राम फ्री स्टाइल कुश्ती स्पर्धा में हार गई हैं। | 7 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: ऊर्जा सम्पन्न म्यांमार के साथ आर्थिक सम्बंधों को बढ़ावा देने की भारतीय कोशिशों के बीच चीन ने कहा है कि वह इस क्षेत्र में भारत से मिल रही प्रतिस्पर्धा का स्वागत करता है और उसको दबाने की उसकी कोई रणनीति नहीं है।
ज्ञात हो कि इस क्षेत्र में चीन की पहले से ही उल्लेखनीय उपस्थिति है। भारत ने मई के अंत में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के म्यांमार दौरे में राष्ट्रपति थेन सेन की सरकार के साथ कई समझौते किए थे। म्यांमार के साथ भारत की 1,600 किलोमीटर लम्बी जमीनी सीमा लगी हुई है।
समाचार पत्र 'म्यांमार टाइम्स' की एक रपट के अनुसार, भारत और म्यांमार के बीच व्यापार 1.2 अरब डॉलर का है, जो फिलहाल म्यांमार की तरफ अत्यधिक झुका हुआ है। इसकी तुलना में चीन, म्यांमार का दूसरा सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है और दोनों देशों के बीच 2010 में 4.44 अरब डॉलर का व्यापार था, जो कि इसके पहले के वर्ष से 53.2 प्रतिशत अधिक है।
चीनी अंतरराष्ट्रीय अध्ययन संस्थान (सीआईआईएस) में वरिष्ठ फेलो, जिया सिउदोंग ने भारतीय पत्रकारों के एक समूह से कहा, "म्यांमार और दक्षिण एशिया में आर्थिक व्यापार में चीन की स्थिति बहुत मजबूत है। चीन भारत के साथ प्रतिस्पर्धा का स्वागत करता है।"
सिउदोंग ने यह टिप्पणी तब की, जब उनसे भारत की पूवरेन्मुखी नीति के बारे में पूछा गया। जिया ने कहा कि चीन इससे चिंतित नहीं है और वह प्रतिस्पर्धा का स्वागत करता है।टिप्पणियां
'म्यांमार टाइम्स' ने म्यांमार निवेश आयोग (एमआईसी) के आकड़े का जिक्र करते हुए अपनी रपट में कहा है कि चीन ने 2010-11 के दौरान म्यांमार में 13.6 अरब डॉलर का निवेश किया, वह भी ज्यादातर ऊर्जा क्षेत्र में। इसमें से 9.6 अरब डॉलर का निवेश 2011 में किया गया।
छह चीनी अधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने 2011 में एमआईसी का दौरा किया था और बुनियादी ढांचे, खनन, ऊर्जा और विनिर्माण में निवेश पर चर्चा की थी। चीन ने बंगाल की खाड़ी के क्याउकप्यू बंदरगाह से दक्षिण पश्चिमी युन्नान प्रांत की राजधानी कुनमिंग तक 1,060 किलोमीटर लम्बी तेल एवं प्राकृतिक गैस की दो पाइपलाइनों पर काम शुरू कर दिया है।
ज्ञात हो कि इस क्षेत्र में चीन की पहले से ही उल्लेखनीय उपस्थिति है। भारत ने मई के अंत में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के म्यांमार दौरे में राष्ट्रपति थेन सेन की सरकार के साथ कई समझौते किए थे। म्यांमार के साथ भारत की 1,600 किलोमीटर लम्बी जमीनी सीमा लगी हुई है।
समाचार पत्र 'म्यांमार टाइम्स' की एक रपट के अनुसार, भारत और म्यांमार के बीच व्यापार 1.2 अरब डॉलर का है, जो फिलहाल म्यांमार की तरफ अत्यधिक झुका हुआ है। इसकी तुलना में चीन, म्यांमार का दूसरा सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है और दोनों देशों के बीच 2010 में 4.44 अरब डॉलर का व्यापार था, जो कि इसके पहले के वर्ष से 53.2 प्रतिशत अधिक है।
चीनी अंतरराष्ट्रीय अध्ययन संस्थान (सीआईआईएस) में वरिष्ठ फेलो, जिया सिउदोंग ने भारतीय पत्रकारों के एक समूह से कहा, "म्यांमार और दक्षिण एशिया में आर्थिक व्यापार में चीन की स्थिति बहुत मजबूत है। चीन भारत के साथ प्रतिस्पर्धा का स्वागत करता है।"
सिउदोंग ने यह टिप्पणी तब की, जब उनसे भारत की पूवरेन्मुखी नीति के बारे में पूछा गया। जिया ने कहा कि चीन इससे चिंतित नहीं है और वह प्रतिस्पर्धा का स्वागत करता है।टिप्पणियां
'म्यांमार टाइम्स' ने म्यांमार निवेश आयोग (एमआईसी) के आकड़े का जिक्र करते हुए अपनी रपट में कहा है कि चीन ने 2010-11 के दौरान म्यांमार में 13.6 अरब डॉलर का निवेश किया, वह भी ज्यादातर ऊर्जा क्षेत्र में। इसमें से 9.6 अरब डॉलर का निवेश 2011 में किया गया।
छह चीनी अधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने 2011 में एमआईसी का दौरा किया था और बुनियादी ढांचे, खनन, ऊर्जा और विनिर्माण में निवेश पर चर्चा की थी। चीन ने बंगाल की खाड़ी के क्याउकप्यू बंदरगाह से दक्षिण पश्चिमी युन्नान प्रांत की राजधानी कुनमिंग तक 1,060 किलोमीटर लम्बी तेल एवं प्राकृतिक गैस की दो पाइपलाइनों पर काम शुरू कर दिया है।
समाचार पत्र 'म्यांमार टाइम्स' की एक रपट के अनुसार, भारत और म्यांमार के बीच व्यापार 1.2 अरब डॉलर का है, जो फिलहाल म्यांमार की तरफ अत्यधिक झुका हुआ है। इसकी तुलना में चीन, म्यांमार का दूसरा सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है और दोनों देशों के बीच 2010 में 4.44 अरब डॉलर का व्यापार था, जो कि इसके पहले के वर्ष से 53.2 प्रतिशत अधिक है।
चीनी अंतरराष्ट्रीय अध्ययन संस्थान (सीआईआईएस) में वरिष्ठ फेलो, जिया सिउदोंग ने भारतीय पत्रकारों के एक समूह से कहा, "म्यांमार और दक्षिण एशिया में आर्थिक व्यापार में चीन की स्थिति बहुत मजबूत है। चीन भारत के साथ प्रतिस्पर्धा का स्वागत करता है।"
सिउदोंग ने यह टिप्पणी तब की, जब उनसे भारत की पूवरेन्मुखी नीति के बारे में पूछा गया। जिया ने कहा कि चीन इससे चिंतित नहीं है और वह प्रतिस्पर्धा का स्वागत करता है।टिप्पणियां
'म्यांमार टाइम्स' ने म्यांमार निवेश आयोग (एमआईसी) के आकड़े का जिक्र करते हुए अपनी रपट में कहा है कि चीन ने 2010-11 के दौरान म्यांमार में 13.6 अरब डॉलर का निवेश किया, वह भी ज्यादातर ऊर्जा क्षेत्र में। इसमें से 9.6 अरब डॉलर का निवेश 2011 में किया गया।
छह चीनी अधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने 2011 में एमआईसी का दौरा किया था और बुनियादी ढांचे, खनन, ऊर्जा और विनिर्माण में निवेश पर चर्चा की थी। चीन ने बंगाल की खाड़ी के क्याउकप्यू बंदरगाह से दक्षिण पश्चिमी युन्नान प्रांत की राजधानी कुनमिंग तक 1,060 किलोमीटर लम्बी तेल एवं प्राकृतिक गैस की दो पाइपलाइनों पर काम शुरू कर दिया है।
चीनी अंतरराष्ट्रीय अध्ययन संस्थान (सीआईआईएस) में वरिष्ठ फेलो, जिया सिउदोंग ने भारतीय पत्रकारों के एक समूह से कहा, "म्यांमार और दक्षिण एशिया में आर्थिक व्यापार में चीन की स्थिति बहुत मजबूत है। चीन भारत के साथ प्रतिस्पर्धा का स्वागत करता है।"
सिउदोंग ने यह टिप्पणी तब की, जब उनसे भारत की पूवरेन्मुखी नीति के बारे में पूछा गया। जिया ने कहा कि चीन इससे चिंतित नहीं है और वह प्रतिस्पर्धा का स्वागत करता है।टिप्पणियां
'म्यांमार टाइम्स' ने म्यांमार निवेश आयोग (एमआईसी) के आकड़े का जिक्र करते हुए अपनी रपट में कहा है कि चीन ने 2010-11 के दौरान म्यांमार में 13.6 अरब डॉलर का निवेश किया, वह भी ज्यादातर ऊर्जा क्षेत्र में। इसमें से 9.6 अरब डॉलर का निवेश 2011 में किया गया।
छह चीनी अधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने 2011 में एमआईसी का दौरा किया था और बुनियादी ढांचे, खनन, ऊर्जा और विनिर्माण में निवेश पर चर्चा की थी। चीन ने बंगाल की खाड़ी के क्याउकप्यू बंदरगाह से दक्षिण पश्चिमी युन्नान प्रांत की राजधानी कुनमिंग तक 1,060 किलोमीटर लम्बी तेल एवं प्राकृतिक गैस की दो पाइपलाइनों पर काम शुरू कर दिया है।
सिउदोंग ने यह टिप्पणी तब की, जब उनसे भारत की पूवरेन्मुखी नीति के बारे में पूछा गया। जिया ने कहा कि चीन इससे चिंतित नहीं है और वह प्रतिस्पर्धा का स्वागत करता है।टिप्पणियां
'म्यांमार टाइम्स' ने म्यांमार निवेश आयोग (एमआईसी) के आकड़े का जिक्र करते हुए अपनी रपट में कहा है कि चीन ने 2010-11 के दौरान म्यांमार में 13.6 अरब डॉलर का निवेश किया, वह भी ज्यादातर ऊर्जा क्षेत्र में। इसमें से 9.6 अरब डॉलर का निवेश 2011 में किया गया।
छह चीनी अधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने 2011 में एमआईसी का दौरा किया था और बुनियादी ढांचे, खनन, ऊर्जा और विनिर्माण में निवेश पर चर्चा की थी। चीन ने बंगाल की खाड़ी के क्याउकप्यू बंदरगाह से दक्षिण पश्चिमी युन्नान प्रांत की राजधानी कुनमिंग तक 1,060 किलोमीटर लम्बी तेल एवं प्राकृतिक गैस की दो पाइपलाइनों पर काम शुरू कर दिया है।
'म्यांमार टाइम्स' ने म्यांमार निवेश आयोग (एमआईसी) के आकड़े का जिक्र करते हुए अपनी रपट में कहा है कि चीन ने 2010-11 के दौरान म्यांमार में 13.6 अरब डॉलर का निवेश किया, वह भी ज्यादातर ऊर्जा क्षेत्र में। इसमें से 9.6 अरब डॉलर का निवेश 2011 में किया गया।
छह चीनी अधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने 2011 में एमआईसी का दौरा किया था और बुनियादी ढांचे, खनन, ऊर्जा और विनिर्माण में निवेश पर चर्चा की थी। चीन ने बंगाल की खाड़ी के क्याउकप्यू बंदरगाह से दक्षिण पश्चिमी युन्नान प्रांत की राजधानी कुनमिंग तक 1,060 किलोमीटर लम्बी तेल एवं प्राकृतिक गैस की दो पाइपलाइनों पर काम शुरू कर दिया है।
छह चीनी अधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने 2011 में एमआईसी का दौरा किया था और बुनियादी ढांचे, खनन, ऊर्जा और विनिर्माण में निवेश पर चर्चा की थी। चीन ने बंगाल की खाड़ी के क्याउकप्यू बंदरगाह से दक्षिण पश्चिमी युन्नान प्रांत की राजधानी कुनमिंग तक 1,060 किलोमीटर लम्बी तेल एवं प्राकृतिक गैस की दो पाइपलाइनों पर काम शुरू कर दिया है। | ऊर्जा सम्पन्न म्यांमार के साथ आर्थिक सम्बंधों को बढ़ावा देने की भारतीय कोशिशों के बीच चीन ने कहा है कि वह इस क्षेत्र में भारत से मिल रही प्रतिस्पर्धा का स्वागत करता है और उसको दबाने की उसकी कोई रणनीति नहीं है। | 6 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: पाकिस्तान ने परमाणु शक्ति संपन्न और 700 किलोमीटर दूर तक मार करने में सक्षम हत्फ-7 क्रूज मिसाइल का सफल परीक्षण किया।
पाकिस्तानी सेना ने कहा है कि परीक्षण सफल रहा। यह परीक्षण एक अनजान स्थान पर किया गया। बीते कुछ दिनों में यह पाकिस्तान का पांचवां मिसाइल परीक्षण है।
सेना ने एक बयान में कहा, ‘‘इस परीक्षण से पाकिस्तान की रणनीतिक क्षमता को मजबूती मिलेगी और राष्ट्रीय सुरक्षा भी मजबूत होगी।’’ पाकिस्तान की सेना ने कहा कि ‘हत्फ-7’ अथवा ‘बाबर’ स्वदेशी मल्टी-ट्यूब क्रूज मिसाइल प्रणाली है। उसका कहना है कि यह मिसाइल रडार को चकमा देने और परमाणु आयुध ले जाने में पूरी तरह सक्षम है।टिप्पणियां
बयान में कहा गया है कि मिसाइल का परीक्षण मल्टी-ट्यूब प्रक्षेपण यान से किया गया, जो हत्फ-7 को पारंपरिक और परमाणु दायरे में लक्ष्य संबंधी क्षमता को लेकर मजबूत बनाएगा।
परीक्षण के समय ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ कमेटी के प्रमुख जनरल खालिद शमीम वायने, रणनीतिक योजना विभाग के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल :सेवानिवृत्त: खालिद अहमद किदवई और अन्य वरिष्ठ अधिकारी एवं वैज्ञानिक मौजूद थे।
पाकिस्तानी सेना ने कहा है कि परीक्षण सफल रहा। यह परीक्षण एक अनजान स्थान पर किया गया। बीते कुछ दिनों में यह पाकिस्तान का पांचवां मिसाइल परीक्षण है।
सेना ने एक बयान में कहा, ‘‘इस परीक्षण से पाकिस्तान की रणनीतिक क्षमता को मजबूती मिलेगी और राष्ट्रीय सुरक्षा भी मजबूत होगी।’’ पाकिस्तान की सेना ने कहा कि ‘हत्फ-7’ अथवा ‘बाबर’ स्वदेशी मल्टी-ट्यूब क्रूज मिसाइल प्रणाली है। उसका कहना है कि यह मिसाइल रडार को चकमा देने और परमाणु आयुध ले जाने में पूरी तरह सक्षम है।टिप्पणियां
बयान में कहा गया है कि मिसाइल का परीक्षण मल्टी-ट्यूब प्रक्षेपण यान से किया गया, जो हत्फ-7 को पारंपरिक और परमाणु दायरे में लक्ष्य संबंधी क्षमता को लेकर मजबूत बनाएगा।
परीक्षण के समय ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ कमेटी के प्रमुख जनरल खालिद शमीम वायने, रणनीतिक योजना विभाग के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल :सेवानिवृत्त: खालिद अहमद किदवई और अन्य वरिष्ठ अधिकारी एवं वैज्ञानिक मौजूद थे।
सेना ने एक बयान में कहा, ‘‘इस परीक्षण से पाकिस्तान की रणनीतिक क्षमता को मजबूती मिलेगी और राष्ट्रीय सुरक्षा भी मजबूत होगी।’’ पाकिस्तान की सेना ने कहा कि ‘हत्फ-7’ अथवा ‘बाबर’ स्वदेशी मल्टी-ट्यूब क्रूज मिसाइल प्रणाली है। उसका कहना है कि यह मिसाइल रडार को चकमा देने और परमाणु आयुध ले जाने में पूरी तरह सक्षम है।टिप्पणियां
बयान में कहा गया है कि मिसाइल का परीक्षण मल्टी-ट्यूब प्रक्षेपण यान से किया गया, जो हत्फ-7 को पारंपरिक और परमाणु दायरे में लक्ष्य संबंधी क्षमता को लेकर मजबूत बनाएगा।
परीक्षण के समय ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ कमेटी के प्रमुख जनरल खालिद शमीम वायने, रणनीतिक योजना विभाग के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल :सेवानिवृत्त: खालिद अहमद किदवई और अन्य वरिष्ठ अधिकारी एवं वैज्ञानिक मौजूद थे।
बयान में कहा गया है कि मिसाइल का परीक्षण मल्टी-ट्यूब प्रक्षेपण यान से किया गया, जो हत्फ-7 को पारंपरिक और परमाणु दायरे में लक्ष्य संबंधी क्षमता को लेकर मजबूत बनाएगा।
परीक्षण के समय ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ कमेटी के प्रमुख जनरल खालिद शमीम वायने, रणनीतिक योजना विभाग के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल :सेवानिवृत्त: खालिद अहमद किदवई और अन्य वरिष्ठ अधिकारी एवं वैज्ञानिक मौजूद थे।
परीक्षण के समय ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ कमेटी के प्रमुख जनरल खालिद शमीम वायने, रणनीतिक योजना विभाग के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल :सेवानिवृत्त: खालिद अहमद किदवई और अन्य वरिष्ठ अधिकारी एवं वैज्ञानिक मौजूद थे। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: पाकिस्तान ने परमाणु शक्ति संपन्न और 700 किलोमीटर दूर तक मार करने में सक्षम हत्फ-7
क्रूज मिसाइल का सफल परीक्षण किया। | 25 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: जयपुर पुलिस ने एक लाख लोगों से करीब दो सौ करोड़ रुपये की ठगी करने वाली गोल्डसुख कंपनी के आरोपी नरेंद्र कंवर और उसकी पत्नी सरोज कंवर को इंटरपोल की मदद से दिल्ली हवाई अड्डे पर गिरफ्तार कर लिया।टिप्पणियां
जयपुर पुलिस आयुक्त बीएल सोनी ने बताया कि गोल्डसुख कंपनी के प्रबंध निदेशक नरेंद्र कंवर और उसकी निदेशक पत्नी सरोज कंवर के बारे में पुलिस को इंटरपोल से सूचना मिली थी कि यह दोनों बैंकॉक से दिल्ली आ रहे हैं। इस सूचना पर दिल्ली हवाई अड्डे पर जयपुर पुलिस ने इंटरपोल की मदद से दोनों को गिरफ्तार किया।
सोनी ने बताया कि थाना विधायकपुरी में गोल्डसुख कंपनी के खिलाफ दर्ज ठगी के आठ मामलों में नरेंद्र सिंह निर्वाण, मानवेंद्र प्रताप सिंह, प्रमोद शर्मा, महेंद्र कुमार व अन्य अभियुक्त फरार चल रहे थे। जयपुर पुलिस द्वारा सीबीआई के मार्फत इंटरपोल से रेड कार्नर नोटिस जारी करवाए गए थे।
जयपुर पुलिस आयुक्त बीएल सोनी ने बताया कि गोल्डसुख कंपनी के प्रबंध निदेशक नरेंद्र कंवर और उसकी निदेशक पत्नी सरोज कंवर के बारे में पुलिस को इंटरपोल से सूचना मिली थी कि यह दोनों बैंकॉक से दिल्ली आ रहे हैं। इस सूचना पर दिल्ली हवाई अड्डे पर जयपुर पुलिस ने इंटरपोल की मदद से दोनों को गिरफ्तार किया।
सोनी ने बताया कि थाना विधायकपुरी में गोल्डसुख कंपनी के खिलाफ दर्ज ठगी के आठ मामलों में नरेंद्र सिंह निर्वाण, मानवेंद्र प्रताप सिंह, प्रमोद शर्मा, महेंद्र कुमार व अन्य अभियुक्त फरार चल रहे थे। जयपुर पुलिस द्वारा सीबीआई के मार्फत इंटरपोल से रेड कार्नर नोटिस जारी करवाए गए थे।
सोनी ने बताया कि थाना विधायकपुरी में गोल्डसुख कंपनी के खिलाफ दर्ज ठगी के आठ मामलों में नरेंद्र सिंह निर्वाण, मानवेंद्र प्रताप सिंह, प्रमोद शर्मा, महेंद्र कुमार व अन्य अभियुक्त फरार चल रहे थे। जयपुर पुलिस द्वारा सीबीआई के मार्फत इंटरपोल से रेड कार्नर नोटिस जारी करवाए गए थे। | संक्षिप्त सारांश: करीब दो सौ करोड़ रुपये की ठगी करने वाली गोल्डसुख कंपनी के आरोपी नरेंद्र कंवर और उसकी पत्नी सरोज कंवर को इंटरपोल की मदद से दिल्ली हवाई अड्डे पर गिरफ्तार कर लिया। | 10 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: भारत में सभी शहरों के एयरपोर्ट्स पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। 4 मई को सिविल एविएशन मंत्रालय की ओर से जारी एक सर्कुलर में कहा गया है कि आतंकवादी एयरपोर्ट या विमान को निशाना बनाने के लिए सर्जिकल बम का इस्तेमाल कर सकते हैं।
यह विस्फोटक शरीर में प्लास्टिक सर्जरी, दवा, शरीर में लगी चोट की पट्टी के जरिए रखे जा सकते हैं। ताजा आतंकी हमले की आशंका से बढ़ाई गई सुरक्षा की वजह से यात्रियों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है हालांकि एयरपोर्ट अधिकारियों का कहना है कि आतंकी हमले के खतरे की वजह से विशेष सुरक्षा जांच को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
यह विस्फोटक शरीर में प्लास्टिक सर्जरी, दवा, शरीर में लगी चोट की पट्टी के जरिए रखे जा सकते हैं। ताजा आतंकी हमले की आशंका से बढ़ाई गई सुरक्षा की वजह से यात्रियों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है हालांकि एयरपोर्ट अधिकारियों का कहना है कि आतंकी हमले के खतरे की वजह से विशेष सुरक्षा जांच को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। | यहाँ एक सारांश है:4 मई को सिविल एविएशन मंत्रालय की ओर से जारी एक सर्कुलर में कहा गया है कि आतंकवादी एयरपोर्ट या विमान को निशाना बनाने के लिए सर्जिकल बम का इस्तेमाल कर सकते हैं। | 17 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: दो अफ्रीकी राष्ट्रों - लीबिया और सोमालिया में आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई के लिए सैन्य कार्रवाई करने के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने कहा है कि अफगानिस्तान और पाकिस्तान में शीर्ष अलकायदा नेताओं के खात्मे के बावजूद आतंकवाद का खतरा कुछ समय और तक जारी रहने की आशंका है।
लीबिया में अमेरिकी कमांडो के हाथों पकड़े गए अलकायदा के कथित शीर्ष सरगना अबु अनेस अल-लिबी को न्याय के दायरे में लाने की प्रतिबद्धता जताते हुए उन्होंने कहा कि अमेरिका को अभी ‘इन क्षेत्रों में विचारों के युद्ध’ की, मुस्लिम देशों के साथ बातचीत की और कट्टरपंथी ताकतों को अलग-थलग करने की जरूरत है।
ओबामा ने व्हाइट हाउस में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, हम जानते हैं कि अल-लिबी ऐसी योजनाएं बनाता था और उन्हें अंजाम तक पहुंचाता था, जिससे सैकड़ों लोगों की मौत हो, जिनमें ज्यादातर अमेरिकी नागरिक होते थे। हमारे पास इस बात के पुख्ता सबूत भी हैं। उसे अदालत में पेश किया जाएगा।
अमेरिकी सेना ने शनिवार को त्रिपोली में अल-लिबी को गिरफ्तार किया था, जहां वह अपनी कार खड़ी कर रहा था। अमेरिकी सेना उसे युद्धपोत पर ले गई, जहां सैन्य हिरासत में उससे पूछताछ की गई। दुनियाभर में आतंकवाद के प्रसार पर उन्होंने कहा कि अमेरिका ने सफलतापूर्वक अलकायदा की शीर्ष नेतृत्व पंक्ति का खात्मा किया, जो प्रमुख रूप से अफगानिस्तान और पाकिस्तान में अभियान चला रही थी। टिप्पणियां
उन्होंने कहा, लेकिन आप जानते हैं कि इन क्षेत्रीय समूहों में से कुछ के अलकायदा से, उसकी विचारधारा से संबंध हैं और कुछ स्थानीय समूह हैं। कुछ समूह अपनी सीमाओं से बाहर सक्रिय होने में सक्षम हैं, लेकिन अपनी सीमाओं के भीतर वे ज्यादा नुकसान पहुंचा सकते हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि इन दो बातों में अंतर है कि अमेरिका अपने खिलाफ साजिश रचने वाले आतंकवादियों से निपट रहा है और उनका देश लड़ाइयों में शामिल है।
उन्होंने कहा, आतंकवाद और आतंकवादी नेटवर्कों का खतरा आने वाले कुछ समय में जारी रहेगा। हमें दीर्घकालिक योजना बनानी होगी जो सैन्य आधारित न हो। ओबामा ने कहा, हमें आर्थिक विकास के बारे में सोचना होगा। हालांकि आतंकवाद और अर्थव्यवस्था के बीच संबंध नहीं है, लेकिन इस बात में दो मत नहीं है कि अगर आपके यहां समाजों में बड़ी संख्या में बेरोजगार और अशिक्षित युवा हैं तो इस बात की आशंका अधिक है कि आतंकवादी उन्हें अपनी ओर कर लें।
लीबिया में अमेरिकी कमांडो के हाथों पकड़े गए अलकायदा के कथित शीर्ष सरगना अबु अनेस अल-लिबी को न्याय के दायरे में लाने की प्रतिबद्धता जताते हुए उन्होंने कहा कि अमेरिका को अभी ‘इन क्षेत्रों में विचारों के युद्ध’ की, मुस्लिम देशों के साथ बातचीत की और कट्टरपंथी ताकतों को अलग-थलग करने की जरूरत है।
ओबामा ने व्हाइट हाउस में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, हम जानते हैं कि अल-लिबी ऐसी योजनाएं बनाता था और उन्हें अंजाम तक पहुंचाता था, जिससे सैकड़ों लोगों की मौत हो, जिनमें ज्यादातर अमेरिकी नागरिक होते थे। हमारे पास इस बात के पुख्ता सबूत भी हैं। उसे अदालत में पेश किया जाएगा।
अमेरिकी सेना ने शनिवार को त्रिपोली में अल-लिबी को गिरफ्तार किया था, जहां वह अपनी कार खड़ी कर रहा था। अमेरिकी सेना उसे युद्धपोत पर ले गई, जहां सैन्य हिरासत में उससे पूछताछ की गई। दुनियाभर में आतंकवाद के प्रसार पर उन्होंने कहा कि अमेरिका ने सफलतापूर्वक अलकायदा की शीर्ष नेतृत्व पंक्ति का खात्मा किया, जो प्रमुख रूप से अफगानिस्तान और पाकिस्तान में अभियान चला रही थी। टिप्पणियां
उन्होंने कहा, लेकिन आप जानते हैं कि इन क्षेत्रीय समूहों में से कुछ के अलकायदा से, उसकी विचारधारा से संबंध हैं और कुछ स्थानीय समूह हैं। कुछ समूह अपनी सीमाओं से बाहर सक्रिय होने में सक्षम हैं, लेकिन अपनी सीमाओं के भीतर वे ज्यादा नुकसान पहुंचा सकते हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि इन दो बातों में अंतर है कि अमेरिका अपने खिलाफ साजिश रचने वाले आतंकवादियों से निपट रहा है और उनका देश लड़ाइयों में शामिल है।
उन्होंने कहा, आतंकवाद और आतंकवादी नेटवर्कों का खतरा आने वाले कुछ समय में जारी रहेगा। हमें दीर्घकालिक योजना बनानी होगी जो सैन्य आधारित न हो। ओबामा ने कहा, हमें आर्थिक विकास के बारे में सोचना होगा। हालांकि आतंकवाद और अर्थव्यवस्था के बीच संबंध नहीं है, लेकिन इस बात में दो मत नहीं है कि अगर आपके यहां समाजों में बड़ी संख्या में बेरोजगार और अशिक्षित युवा हैं तो इस बात की आशंका अधिक है कि आतंकवादी उन्हें अपनी ओर कर लें।
ओबामा ने व्हाइट हाउस में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, हम जानते हैं कि अल-लिबी ऐसी योजनाएं बनाता था और उन्हें अंजाम तक पहुंचाता था, जिससे सैकड़ों लोगों की मौत हो, जिनमें ज्यादातर अमेरिकी नागरिक होते थे। हमारे पास इस बात के पुख्ता सबूत भी हैं। उसे अदालत में पेश किया जाएगा।
अमेरिकी सेना ने शनिवार को त्रिपोली में अल-लिबी को गिरफ्तार किया था, जहां वह अपनी कार खड़ी कर रहा था। अमेरिकी सेना उसे युद्धपोत पर ले गई, जहां सैन्य हिरासत में उससे पूछताछ की गई। दुनियाभर में आतंकवाद के प्रसार पर उन्होंने कहा कि अमेरिका ने सफलतापूर्वक अलकायदा की शीर्ष नेतृत्व पंक्ति का खात्मा किया, जो प्रमुख रूप से अफगानिस्तान और पाकिस्तान में अभियान चला रही थी। टिप्पणियां
उन्होंने कहा, लेकिन आप जानते हैं कि इन क्षेत्रीय समूहों में से कुछ के अलकायदा से, उसकी विचारधारा से संबंध हैं और कुछ स्थानीय समूह हैं। कुछ समूह अपनी सीमाओं से बाहर सक्रिय होने में सक्षम हैं, लेकिन अपनी सीमाओं के भीतर वे ज्यादा नुकसान पहुंचा सकते हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि इन दो बातों में अंतर है कि अमेरिका अपने खिलाफ साजिश रचने वाले आतंकवादियों से निपट रहा है और उनका देश लड़ाइयों में शामिल है।
उन्होंने कहा, आतंकवाद और आतंकवादी नेटवर्कों का खतरा आने वाले कुछ समय में जारी रहेगा। हमें दीर्घकालिक योजना बनानी होगी जो सैन्य आधारित न हो। ओबामा ने कहा, हमें आर्थिक विकास के बारे में सोचना होगा। हालांकि आतंकवाद और अर्थव्यवस्था के बीच संबंध नहीं है, लेकिन इस बात में दो मत नहीं है कि अगर आपके यहां समाजों में बड़ी संख्या में बेरोजगार और अशिक्षित युवा हैं तो इस बात की आशंका अधिक है कि आतंकवादी उन्हें अपनी ओर कर लें।
अमेरिकी सेना ने शनिवार को त्रिपोली में अल-लिबी को गिरफ्तार किया था, जहां वह अपनी कार खड़ी कर रहा था। अमेरिकी सेना उसे युद्धपोत पर ले गई, जहां सैन्य हिरासत में उससे पूछताछ की गई। दुनियाभर में आतंकवाद के प्रसार पर उन्होंने कहा कि अमेरिका ने सफलतापूर्वक अलकायदा की शीर्ष नेतृत्व पंक्ति का खात्मा किया, जो प्रमुख रूप से अफगानिस्तान और पाकिस्तान में अभियान चला रही थी। टिप्पणियां
उन्होंने कहा, लेकिन आप जानते हैं कि इन क्षेत्रीय समूहों में से कुछ के अलकायदा से, उसकी विचारधारा से संबंध हैं और कुछ स्थानीय समूह हैं। कुछ समूह अपनी सीमाओं से बाहर सक्रिय होने में सक्षम हैं, लेकिन अपनी सीमाओं के भीतर वे ज्यादा नुकसान पहुंचा सकते हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि इन दो बातों में अंतर है कि अमेरिका अपने खिलाफ साजिश रचने वाले आतंकवादियों से निपट रहा है और उनका देश लड़ाइयों में शामिल है।
उन्होंने कहा, आतंकवाद और आतंकवादी नेटवर्कों का खतरा आने वाले कुछ समय में जारी रहेगा। हमें दीर्घकालिक योजना बनानी होगी जो सैन्य आधारित न हो। ओबामा ने कहा, हमें आर्थिक विकास के बारे में सोचना होगा। हालांकि आतंकवाद और अर्थव्यवस्था के बीच संबंध नहीं है, लेकिन इस बात में दो मत नहीं है कि अगर आपके यहां समाजों में बड़ी संख्या में बेरोजगार और अशिक्षित युवा हैं तो इस बात की आशंका अधिक है कि आतंकवादी उन्हें अपनी ओर कर लें।
उन्होंने कहा, लेकिन आप जानते हैं कि इन क्षेत्रीय समूहों में से कुछ के अलकायदा से, उसकी विचारधारा से संबंध हैं और कुछ स्थानीय समूह हैं। कुछ समूह अपनी सीमाओं से बाहर सक्रिय होने में सक्षम हैं, लेकिन अपनी सीमाओं के भीतर वे ज्यादा नुकसान पहुंचा सकते हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि इन दो बातों में अंतर है कि अमेरिका अपने खिलाफ साजिश रचने वाले आतंकवादियों से निपट रहा है और उनका देश लड़ाइयों में शामिल है।
उन्होंने कहा, आतंकवाद और आतंकवादी नेटवर्कों का खतरा आने वाले कुछ समय में जारी रहेगा। हमें दीर्घकालिक योजना बनानी होगी जो सैन्य आधारित न हो। ओबामा ने कहा, हमें आर्थिक विकास के बारे में सोचना होगा। हालांकि आतंकवाद और अर्थव्यवस्था के बीच संबंध नहीं है, लेकिन इस बात में दो मत नहीं है कि अगर आपके यहां समाजों में बड़ी संख्या में बेरोजगार और अशिक्षित युवा हैं तो इस बात की आशंका अधिक है कि आतंकवादी उन्हें अपनी ओर कर लें।
उन्होंने कहा, आतंकवाद और आतंकवादी नेटवर्कों का खतरा आने वाले कुछ समय में जारी रहेगा। हमें दीर्घकालिक योजना बनानी होगी जो सैन्य आधारित न हो। ओबामा ने कहा, हमें आर्थिक विकास के बारे में सोचना होगा। हालांकि आतंकवाद और अर्थव्यवस्था के बीच संबंध नहीं है, लेकिन इस बात में दो मत नहीं है कि अगर आपके यहां समाजों में बड़ी संख्या में बेरोजगार और अशिक्षित युवा हैं तो इस बात की आशंका अधिक है कि आतंकवादी उन्हें अपनी ओर कर लें। | ओबामा ने व्हाइट हाउस में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, हम जानते हैं कि हाल ही में गिरफ्तार हुआ अल-लिबी ऐसी योजनाएं बनाता था और उन्हें अंजाम तक पहुंचाता था, जिससे सैकड़ों लोगों की मौत हो। | 34 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पिछले चार दिनों से यहां शहर के एक अस्पताल में जिंदगी और मौत जूझ रहे पहलवान से अभिनेता बने दारा सिंह के मस्तिष्क को अत्यधिक क्षति पहुंचने के कारण उनके ‘ठीक होने की बहुत कम उम्मीद’ है।
डॉक्टरों ने आज इस बात की जानकारी दी। उल्लेखनीय है कि 84 वर्षीय अभिनेता को सात जुलाई को आपातकालीन स्थिति में कोकिलाबेन अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उन्हें दिल का दौरा पड़ने के बाद भर्ती कराया गया था और तभी से वह आईसीयू में हैं।टिप्पणियां
कोकिलाबेन अस्पताल के सीओओ डाक्टर राम नारायण ने कहा, हमने एमआरआई किया है और इससे पता चला है कि मस्तिष्क को ऑक्सीजन की कम आपूर्ति के कारण मस्तिष्क को काफी क्षति पहुंची है ।
उन्होंने कहा, इस बात की बहुत कम संभावना है कि वह ठीक हो पाएं। उनके सचेत होने की संभावना भी कम है। ऐसी कोई दवा नहीं है जिससे मस्तिष्क को हुई क्षति को ठीक किया जा सके..यदि कोई चमत्कार हो तभी हो सकता है। वह कोमा में जा सकते हैं। राष्ट्रमंडल कुश्ती विजेता दारा सिंह पचास के दशक में फिल्म उद्योग में आए थे और ‘किंगकांग’ तथा ‘फौलाद’ में जोरदार भूमिका के लिए चर्चित रहे।
डॉक्टरों ने आज इस बात की जानकारी दी। उल्लेखनीय है कि 84 वर्षीय अभिनेता को सात जुलाई को आपातकालीन स्थिति में कोकिलाबेन अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उन्हें दिल का दौरा पड़ने के बाद भर्ती कराया गया था और तभी से वह आईसीयू में हैं।टिप्पणियां
कोकिलाबेन अस्पताल के सीओओ डाक्टर राम नारायण ने कहा, हमने एमआरआई किया है और इससे पता चला है कि मस्तिष्क को ऑक्सीजन की कम आपूर्ति के कारण मस्तिष्क को काफी क्षति पहुंची है ।
उन्होंने कहा, इस बात की बहुत कम संभावना है कि वह ठीक हो पाएं। उनके सचेत होने की संभावना भी कम है। ऐसी कोई दवा नहीं है जिससे मस्तिष्क को हुई क्षति को ठीक किया जा सके..यदि कोई चमत्कार हो तभी हो सकता है। वह कोमा में जा सकते हैं। राष्ट्रमंडल कुश्ती विजेता दारा सिंह पचास के दशक में फिल्म उद्योग में आए थे और ‘किंगकांग’ तथा ‘फौलाद’ में जोरदार भूमिका के लिए चर्चित रहे।
कोकिलाबेन अस्पताल के सीओओ डाक्टर राम नारायण ने कहा, हमने एमआरआई किया है और इससे पता चला है कि मस्तिष्क को ऑक्सीजन की कम आपूर्ति के कारण मस्तिष्क को काफी क्षति पहुंची है ।
उन्होंने कहा, इस बात की बहुत कम संभावना है कि वह ठीक हो पाएं। उनके सचेत होने की संभावना भी कम है। ऐसी कोई दवा नहीं है जिससे मस्तिष्क को हुई क्षति को ठीक किया जा सके..यदि कोई चमत्कार हो तभी हो सकता है। वह कोमा में जा सकते हैं। राष्ट्रमंडल कुश्ती विजेता दारा सिंह पचास के दशक में फिल्म उद्योग में आए थे और ‘किंगकांग’ तथा ‘फौलाद’ में जोरदार भूमिका के लिए चर्चित रहे।
उन्होंने कहा, इस बात की बहुत कम संभावना है कि वह ठीक हो पाएं। उनके सचेत होने की संभावना भी कम है। ऐसी कोई दवा नहीं है जिससे मस्तिष्क को हुई क्षति को ठीक किया जा सके..यदि कोई चमत्कार हो तभी हो सकता है। वह कोमा में जा सकते हैं। राष्ट्रमंडल कुश्ती विजेता दारा सिंह पचास के दशक में फिल्म उद्योग में आए थे और ‘किंगकांग’ तथा ‘फौलाद’ में जोरदार भूमिका के लिए चर्चित रहे। | संक्षिप्त सारांश: पिछले चार दिनों से अस्पताल में जिंदगी और मौत जूझ रहे पहलवान से अभिनेता बने दारा सिंह के मस्तिष्क को अत्यधिक क्षति पहुंचने के कारण उनके ‘ठीक होने की बहुत कम उम्मीद’ है। | 23 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: पूर्व मिस वर्ल्ड और अभिनेत्री युक्ता मुखी ने अपने पति प्रिंस तुली के खिलाफ कथित रूप से घरेलू हिंसा का मामला दर्ज कराया है। अंबोली पुलिस थाने के वरिष्ठ इंस्पेक्टर हरीशचंद्र वाटकर ने, अपनी शिकायत में युक्ता ने आरोप लगाया है कि उनका पति प्रिंस तुली अक्सर उन्हें पीटता है और परेशान करता है।
उनकी शिकायत के बाद गैर-संज्ञेय अपराध का मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अधिकारी ने इस संबंध में अधिक जानकारी देने से इनकार कर दिया। गैर-संज्ञेय अपराध वह अपराध होता है, जिसमें पुलिस अदालत की अनुमति के बिना न तो प्राथमिकी दर्ज कर सकती है, न जांच कर सकती है और न ही गिरफ्तारी कर सकती है।टिप्पणियां
एक अन्य अधिकारी ने बताया कि युक्ता मुखी ने करीब दो साल पहले शिकायत दर्ज कराई थी और वह अपने कारोबारी पति के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई के लिए अदालत से संपर्क कर सकती हैं।
युक्ता को दिसंबर 1999 में लंदन के ओलंपिया थियेटर में मिस वर्ल्ड के खिताब से नवाजा गया था और उस समय वह 20 साल की थीं। बाद में उन्होंने कई बॉलीवुड फिल्मों में काम किया। तुली न्यूयॉर्क निवासी कारोबारी हैं, जिनके परिवार का मध्य भारत में होटल, मॉल्स, शिक्षा और विनिर्माण उपकरण बनाने का बड़ा कारोबार है।
उनकी शिकायत के बाद गैर-संज्ञेय अपराध का मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अधिकारी ने इस संबंध में अधिक जानकारी देने से इनकार कर दिया। गैर-संज्ञेय अपराध वह अपराध होता है, जिसमें पुलिस अदालत की अनुमति के बिना न तो प्राथमिकी दर्ज कर सकती है, न जांच कर सकती है और न ही गिरफ्तारी कर सकती है।टिप्पणियां
एक अन्य अधिकारी ने बताया कि युक्ता मुखी ने करीब दो साल पहले शिकायत दर्ज कराई थी और वह अपने कारोबारी पति के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई के लिए अदालत से संपर्क कर सकती हैं।
युक्ता को दिसंबर 1999 में लंदन के ओलंपिया थियेटर में मिस वर्ल्ड के खिताब से नवाजा गया था और उस समय वह 20 साल की थीं। बाद में उन्होंने कई बॉलीवुड फिल्मों में काम किया। तुली न्यूयॉर्क निवासी कारोबारी हैं, जिनके परिवार का मध्य भारत में होटल, मॉल्स, शिक्षा और विनिर्माण उपकरण बनाने का बड़ा कारोबार है।
एक अन्य अधिकारी ने बताया कि युक्ता मुखी ने करीब दो साल पहले शिकायत दर्ज कराई थी और वह अपने कारोबारी पति के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई के लिए अदालत से संपर्क कर सकती हैं।
युक्ता को दिसंबर 1999 में लंदन के ओलंपिया थियेटर में मिस वर्ल्ड के खिताब से नवाजा गया था और उस समय वह 20 साल की थीं। बाद में उन्होंने कई बॉलीवुड फिल्मों में काम किया। तुली न्यूयॉर्क निवासी कारोबारी हैं, जिनके परिवार का मध्य भारत में होटल, मॉल्स, शिक्षा और विनिर्माण उपकरण बनाने का बड़ा कारोबार है।
युक्ता को दिसंबर 1999 में लंदन के ओलंपिया थियेटर में मिस वर्ल्ड के खिताब से नवाजा गया था और उस समय वह 20 साल की थीं। बाद में उन्होंने कई बॉलीवुड फिल्मों में काम किया। तुली न्यूयॉर्क निवासी कारोबारी हैं, जिनके परिवार का मध्य भारत में होटल, मॉल्स, शिक्षा और विनिर्माण उपकरण बनाने का बड़ा कारोबार है। | यहाँ एक सारांश है:पूर्व मिस वर्ल्ड और अभिनेत्री युक्ता मुखी ने पुलिस में दर्ज कराई अपनी शिकायत में कहा है कि उनका पति प्रिंस तुली अक्सर उन्हें पीटता है और परेशान करता है। | 4 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल ने अपने विदेशी दौरों को लेकर हुई आलोचना पर कहा कि इस बारे में ‘गलत धारणा ’ है और वह चाहती हैं कि लोग सच्चाई जानें।
राष्ट्रपति ने एनडीटीवी को दिए एक साक्षात्कार में कहा, ‘राष्ट्रपति के दौरों के बारे में अभी गलत धारणा बनी हुई है। राष्ट्रपति अपनी इच्छा से दौरों पर नहीं जाते हैं। सरकार यह सुझाव देती है कि राष्ट्रपति को किन जगहों पर जाना चाहिए।’ उन्होंने कहा कि देश की जनता को राष्ट्रपति पद का सम्मान करना चाहिए और सवाल उठाने से पहले सच्चाई जान लेनी चाहिए।टिप्पणियां
प्रतिभा ने कहा, ‘राष्ट्रपति का पद एक संवैधानिक पद है। सभी नागरिकों का यह कर्तव्य है कि वे इस राष्ट्रपति के संस्थान का सम्मान करें।’
विदेशी दौरों में अपने साथ रिश्तेदारों और मेहमानों को ले जाने के सवाल पर उन्होंने कहा, ‘यह अंतरराष्ट्रीय प्रथा है और पहले भी राष्ट्रपति के साथ रिश्तेदार और मेहमान जा चुके हैं। इसलिए ऐसा नहीं है कि मैंने कोई नया उदाहरण पेश किया है।’
राष्ट्रपति ने एनडीटीवी को दिए एक साक्षात्कार में कहा, ‘राष्ट्रपति के दौरों के बारे में अभी गलत धारणा बनी हुई है। राष्ट्रपति अपनी इच्छा से दौरों पर नहीं जाते हैं। सरकार यह सुझाव देती है कि राष्ट्रपति को किन जगहों पर जाना चाहिए।’ उन्होंने कहा कि देश की जनता को राष्ट्रपति पद का सम्मान करना चाहिए और सवाल उठाने से पहले सच्चाई जान लेनी चाहिए।टिप्पणियां
प्रतिभा ने कहा, ‘राष्ट्रपति का पद एक संवैधानिक पद है। सभी नागरिकों का यह कर्तव्य है कि वे इस राष्ट्रपति के संस्थान का सम्मान करें।’
विदेशी दौरों में अपने साथ रिश्तेदारों और मेहमानों को ले जाने के सवाल पर उन्होंने कहा, ‘यह अंतरराष्ट्रीय प्रथा है और पहले भी राष्ट्रपति के साथ रिश्तेदार और मेहमान जा चुके हैं। इसलिए ऐसा नहीं है कि मैंने कोई नया उदाहरण पेश किया है।’
प्रतिभा ने कहा, ‘राष्ट्रपति का पद एक संवैधानिक पद है। सभी नागरिकों का यह कर्तव्य है कि वे इस राष्ट्रपति के संस्थान का सम्मान करें।’
विदेशी दौरों में अपने साथ रिश्तेदारों और मेहमानों को ले जाने के सवाल पर उन्होंने कहा, ‘यह अंतरराष्ट्रीय प्रथा है और पहले भी राष्ट्रपति के साथ रिश्तेदार और मेहमान जा चुके हैं। इसलिए ऐसा नहीं है कि मैंने कोई नया उदाहरण पेश किया है।’
विदेशी दौरों में अपने साथ रिश्तेदारों और मेहमानों को ले जाने के सवाल पर उन्होंने कहा, ‘यह अंतरराष्ट्रीय प्रथा है और पहले भी राष्ट्रपति के साथ रिश्तेदार और मेहमान जा चुके हैं। इसलिए ऐसा नहीं है कि मैंने कोई नया उदाहरण पेश किया है।’ | संक्षिप्त पाठ: राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल ने अपने विदेशी दौरों को लेकर हुई आलोचना पर कहा कि इस बारे में ‘गलत धारणा ’ है और वह चाहती हैं कि लोग सच्चाई जानें। | 30 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: रेल ट्रैवलर्स सर्विस एजेंटों (आरटीएसए) द्वारा टिकटों की ‘भारी’ मात्रा में बुकिंग रेल अधिकारियों की मिलीभगत से हो रही है। एक संसदीय समिति का मानना है कि इस तरह की अवैध गतिविधियां रेल अधिकारियों की मिलीभगत से चल रही हैं।
लोकलेखा समिति की रिपोर्ट के मसौदे में कहा गया है कि एजेंटों की इस तरह की अवैध गतिविधियां बिना यात्री आरक्षण प्रणाली में काम कर रहे रेल अधिकारियों की मिलीभगत से नहीं हो सकतीं।
आरटीएसए लाइसेंसधारी एजेंट होते हैं जिन्हें रेल मंत्रालय की ओर से यात्रियों के लिए टिकट खरीदने के लिए अधिकृत किया जाता है। इसके लिए वे मामूली शुल्क लेते हैं।
पीएसी द्वारा तत्काल तथा अग्रिम आरक्षण प्रणाली की जांच के बाद यह तथ्य सामने आया है कि वास्तव में जिन लोगों के लिए ये योजनाएं हैं उन्हें इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है, क्योंकि इसमें गड़बड़ी हो रही है।
यह तथ्य भी सामने आया है कि आरटीएसए के कई अनियमितताओं में शामिल होने के बावजूद पिछले 5 साल में उनके खिलाफ दिल्ली को छोड़कर कोई मामला दर्ज नहीं हुआ है। सिर्फ दिल्ली में उनके खिलाफ नौ मामले दायर हुए हैं।
समिति ने एजेंटों तथा रेल कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की वकालत करते हुए रेलवे से इस तरह के सभी मामलों की जांच करने को कहा है। इस तरह के मामलों में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की सिफारिश की गई है। हालांकि आरटीएसए की नियुक्ति रेलवे द्वारा की जाती है, लेकिन कंप्यूटरीकृत रेल आरक्षण प्रणाली में उनकी पहचान का कोई प्रावधान नहीं है, जिससे यह पता चल सके कि उन्होंने कितनी टिकटों की बुकिंग कराई है।टिप्पणियां
रिपोर्ट को संसद के चालू सत्र में पेश किया जाएगा। इसमें एजेंटों की कई यूजर्स आईडी को तत्काल खत्म करने के लिए उपाय करने को कहा गया है जिससे वे बुकिंग प्रक्रिया में गड़बड़ी न कर सकें।
आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों पर कड़ी निगाह रखने के लिए डिजिटलीकृत आईडी की व्यवहार्यता का पता लगाने को कहा गया है। इसके अलावा समिति ने यह भी सुझाव दिया है कि आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों की नियमित आधार पर जांच होनी चाहिए और सिर्फ उन्हीं आरटीएसए के लाइसेंस का नवीकरण होना चाहिए जो प्रक्रियाओं का अनुपालन करते हैं।
लोकलेखा समिति की रिपोर्ट के मसौदे में कहा गया है कि एजेंटों की इस तरह की अवैध गतिविधियां बिना यात्री आरक्षण प्रणाली में काम कर रहे रेल अधिकारियों की मिलीभगत से नहीं हो सकतीं।
आरटीएसए लाइसेंसधारी एजेंट होते हैं जिन्हें रेल मंत्रालय की ओर से यात्रियों के लिए टिकट खरीदने के लिए अधिकृत किया जाता है। इसके लिए वे मामूली शुल्क लेते हैं।
पीएसी द्वारा तत्काल तथा अग्रिम आरक्षण प्रणाली की जांच के बाद यह तथ्य सामने आया है कि वास्तव में जिन लोगों के लिए ये योजनाएं हैं उन्हें इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है, क्योंकि इसमें गड़बड़ी हो रही है।
यह तथ्य भी सामने आया है कि आरटीएसए के कई अनियमितताओं में शामिल होने के बावजूद पिछले 5 साल में उनके खिलाफ दिल्ली को छोड़कर कोई मामला दर्ज नहीं हुआ है। सिर्फ दिल्ली में उनके खिलाफ नौ मामले दायर हुए हैं।
समिति ने एजेंटों तथा रेल कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की वकालत करते हुए रेलवे से इस तरह के सभी मामलों की जांच करने को कहा है। इस तरह के मामलों में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की सिफारिश की गई है। हालांकि आरटीएसए की नियुक्ति रेलवे द्वारा की जाती है, लेकिन कंप्यूटरीकृत रेल आरक्षण प्रणाली में उनकी पहचान का कोई प्रावधान नहीं है, जिससे यह पता चल सके कि उन्होंने कितनी टिकटों की बुकिंग कराई है।टिप्पणियां
रिपोर्ट को संसद के चालू सत्र में पेश किया जाएगा। इसमें एजेंटों की कई यूजर्स आईडी को तत्काल खत्म करने के लिए उपाय करने को कहा गया है जिससे वे बुकिंग प्रक्रिया में गड़बड़ी न कर सकें।
आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों पर कड़ी निगाह रखने के लिए डिजिटलीकृत आईडी की व्यवहार्यता का पता लगाने को कहा गया है। इसके अलावा समिति ने यह भी सुझाव दिया है कि आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों की नियमित आधार पर जांच होनी चाहिए और सिर्फ उन्हीं आरटीएसए के लाइसेंस का नवीकरण होना चाहिए जो प्रक्रियाओं का अनुपालन करते हैं।
आरटीएसए लाइसेंसधारी एजेंट होते हैं जिन्हें रेल मंत्रालय की ओर से यात्रियों के लिए टिकट खरीदने के लिए अधिकृत किया जाता है। इसके लिए वे मामूली शुल्क लेते हैं।
पीएसी द्वारा तत्काल तथा अग्रिम आरक्षण प्रणाली की जांच के बाद यह तथ्य सामने आया है कि वास्तव में जिन लोगों के लिए ये योजनाएं हैं उन्हें इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है, क्योंकि इसमें गड़बड़ी हो रही है।
यह तथ्य भी सामने आया है कि आरटीएसए के कई अनियमितताओं में शामिल होने के बावजूद पिछले 5 साल में उनके खिलाफ दिल्ली को छोड़कर कोई मामला दर्ज नहीं हुआ है। सिर्फ दिल्ली में उनके खिलाफ नौ मामले दायर हुए हैं।
समिति ने एजेंटों तथा रेल कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की वकालत करते हुए रेलवे से इस तरह के सभी मामलों की जांच करने को कहा है। इस तरह के मामलों में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की सिफारिश की गई है। हालांकि आरटीएसए की नियुक्ति रेलवे द्वारा की जाती है, लेकिन कंप्यूटरीकृत रेल आरक्षण प्रणाली में उनकी पहचान का कोई प्रावधान नहीं है, जिससे यह पता चल सके कि उन्होंने कितनी टिकटों की बुकिंग कराई है।टिप्पणियां
रिपोर्ट को संसद के चालू सत्र में पेश किया जाएगा। इसमें एजेंटों की कई यूजर्स आईडी को तत्काल खत्म करने के लिए उपाय करने को कहा गया है जिससे वे बुकिंग प्रक्रिया में गड़बड़ी न कर सकें।
आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों पर कड़ी निगाह रखने के लिए डिजिटलीकृत आईडी की व्यवहार्यता का पता लगाने को कहा गया है। इसके अलावा समिति ने यह भी सुझाव दिया है कि आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों की नियमित आधार पर जांच होनी चाहिए और सिर्फ उन्हीं आरटीएसए के लाइसेंस का नवीकरण होना चाहिए जो प्रक्रियाओं का अनुपालन करते हैं।
पीएसी द्वारा तत्काल तथा अग्रिम आरक्षण प्रणाली की जांच के बाद यह तथ्य सामने आया है कि वास्तव में जिन लोगों के लिए ये योजनाएं हैं उन्हें इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है, क्योंकि इसमें गड़बड़ी हो रही है।
यह तथ्य भी सामने आया है कि आरटीएसए के कई अनियमितताओं में शामिल होने के बावजूद पिछले 5 साल में उनके खिलाफ दिल्ली को छोड़कर कोई मामला दर्ज नहीं हुआ है। सिर्फ दिल्ली में उनके खिलाफ नौ मामले दायर हुए हैं।
समिति ने एजेंटों तथा रेल कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की वकालत करते हुए रेलवे से इस तरह के सभी मामलों की जांच करने को कहा है। इस तरह के मामलों में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की सिफारिश की गई है। हालांकि आरटीएसए की नियुक्ति रेलवे द्वारा की जाती है, लेकिन कंप्यूटरीकृत रेल आरक्षण प्रणाली में उनकी पहचान का कोई प्रावधान नहीं है, जिससे यह पता चल सके कि उन्होंने कितनी टिकटों की बुकिंग कराई है।टिप्पणियां
रिपोर्ट को संसद के चालू सत्र में पेश किया जाएगा। इसमें एजेंटों की कई यूजर्स आईडी को तत्काल खत्म करने के लिए उपाय करने को कहा गया है जिससे वे बुकिंग प्रक्रिया में गड़बड़ी न कर सकें।
आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों पर कड़ी निगाह रखने के लिए डिजिटलीकृत आईडी की व्यवहार्यता का पता लगाने को कहा गया है। इसके अलावा समिति ने यह भी सुझाव दिया है कि आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों की नियमित आधार पर जांच होनी चाहिए और सिर्फ उन्हीं आरटीएसए के लाइसेंस का नवीकरण होना चाहिए जो प्रक्रियाओं का अनुपालन करते हैं।
यह तथ्य भी सामने आया है कि आरटीएसए के कई अनियमितताओं में शामिल होने के बावजूद पिछले 5 साल में उनके खिलाफ दिल्ली को छोड़कर कोई मामला दर्ज नहीं हुआ है। सिर्फ दिल्ली में उनके खिलाफ नौ मामले दायर हुए हैं।
समिति ने एजेंटों तथा रेल कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की वकालत करते हुए रेलवे से इस तरह के सभी मामलों की जांच करने को कहा है। इस तरह के मामलों में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की सिफारिश की गई है। हालांकि आरटीएसए की नियुक्ति रेलवे द्वारा की जाती है, लेकिन कंप्यूटरीकृत रेल आरक्षण प्रणाली में उनकी पहचान का कोई प्रावधान नहीं है, जिससे यह पता चल सके कि उन्होंने कितनी टिकटों की बुकिंग कराई है।टिप्पणियां
रिपोर्ट को संसद के चालू सत्र में पेश किया जाएगा। इसमें एजेंटों की कई यूजर्स आईडी को तत्काल खत्म करने के लिए उपाय करने को कहा गया है जिससे वे बुकिंग प्रक्रिया में गड़बड़ी न कर सकें।
आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों पर कड़ी निगाह रखने के लिए डिजिटलीकृत आईडी की व्यवहार्यता का पता लगाने को कहा गया है। इसके अलावा समिति ने यह भी सुझाव दिया है कि आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों की नियमित आधार पर जांच होनी चाहिए और सिर्फ उन्हीं आरटीएसए के लाइसेंस का नवीकरण होना चाहिए जो प्रक्रियाओं का अनुपालन करते हैं।
समिति ने एजेंटों तथा रेल कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की वकालत करते हुए रेलवे से इस तरह के सभी मामलों की जांच करने को कहा है। इस तरह के मामलों में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की सिफारिश की गई है। हालांकि आरटीएसए की नियुक्ति रेलवे द्वारा की जाती है, लेकिन कंप्यूटरीकृत रेल आरक्षण प्रणाली में उनकी पहचान का कोई प्रावधान नहीं है, जिससे यह पता चल सके कि उन्होंने कितनी टिकटों की बुकिंग कराई है।टिप्पणियां
रिपोर्ट को संसद के चालू सत्र में पेश किया जाएगा। इसमें एजेंटों की कई यूजर्स आईडी को तत्काल खत्म करने के लिए उपाय करने को कहा गया है जिससे वे बुकिंग प्रक्रिया में गड़बड़ी न कर सकें।
आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों पर कड़ी निगाह रखने के लिए डिजिटलीकृत आईडी की व्यवहार्यता का पता लगाने को कहा गया है। इसके अलावा समिति ने यह भी सुझाव दिया है कि आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों की नियमित आधार पर जांच होनी चाहिए और सिर्फ उन्हीं आरटीएसए के लाइसेंस का नवीकरण होना चाहिए जो प्रक्रियाओं का अनुपालन करते हैं।
रिपोर्ट को संसद के चालू सत्र में पेश किया जाएगा। इसमें एजेंटों की कई यूजर्स आईडी को तत्काल खत्म करने के लिए उपाय करने को कहा गया है जिससे वे बुकिंग प्रक्रिया में गड़बड़ी न कर सकें।
आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों पर कड़ी निगाह रखने के लिए डिजिटलीकृत आईडी की व्यवहार्यता का पता लगाने को कहा गया है। इसके अलावा समिति ने यह भी सुझाव दिया है कि आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों की नियमित आधार पर जांच होनी चाहिए और सिर्फ उन्हीं आरटीएसए के लाइसेंस का नवीकरण होना चाहिए जो प्रक्रियाओं का अनुपालन करते हैं।
आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों पर कड़ी निगाह रखने के लिए डिजिटलीकृत आईडी की व्यवहार्यता का पता लगाने को कहा गया है। इसके अलावा समिति ने यह भी सुझाव दिया है कि आरटीएसए और वेबसाइट एजेंटों की गतिविधियों की नियमित आधार पर जांच होनी चाहिए और सिर्फ उन्हीं आरटीएसए के लाइसेंस का नवीकरण होना चाहिए जो प्रक्रियाओं का अनुपालन करते हैं। | संक्षिप्त सारांश: रेल ट्रैवलर्स सर्विस एजेंटों (आरटीएसए) द्वारा टिकटों की ‘भारी’ मात्रा में बुकिंग रेल अधिकारियों की मिलीभगत से हो रही है। एक संसदीय समिति का मानना है कि इस तरह की अवैध गतिविधियां रेल अधिकारियों की मिलीभगत से चल रही हैं। | 10 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: राजधानी में कथित तौर पर फर्जी मार्कशीट से लाइसेंस पाने के आरोप में एयर इंडिया के एक पायलट को गिरफ्तार किया गया है। पिछले चार दिन में यह इस तरह का दूसरा मामला है। नागरिक उड्डयन महानिदेशालय :डीजीसीए: ने दावा किया था कि कई पायलटों ने अपना लाइसेंस पाने के लिए फर्जी मार्कशीट का इस्तेमाल किया है। साथ ही डीजीसीए ने इस बारे में शिकायत भी दर्ज कराई थी, जिसके बाद, दिल्ली पुलिस ने कल रात कैप्टन जे के वर्मा को इस संबंध में गिरफ्तार कर लिया। इसके पहले पुलिस ने इंडिगो की एक महिला पायलट को भी गिरफ्तार किया था। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, हमने वर्मा को गिरफ्तार कर लिया है। जांच भी जारी है। डीजीसीए ने हमें कई नाम दिए थे। दो और पायलटों पर भी निगाह रखी जा रही है। एक इंडिगो की मीनाक्षी सहगल और दूसरे एमडीएलआर के स्वर्ण सिंह तलवार। नागरिक उड्डयन सचिव नसीम जैदी के मुताबिक, फर्जी मार्कशीट की आशंका के चलते, डीसीजीए तीन से चार हजार पायलटों के लाइसेंस पर नजर रखे हुए है। वर्मा ने लाइसेंस पाने के लिए दी जाने वाली परीक्षा में कथित तौर पर फर्जी मार्कशीट का इस्तेमाल किया। | यहाँ एक सारांश है:राजधानी में कथित तौर पर फर्जी मार्कशीट से लाइसेंस पाने के आरोप में एयर इंडिया के एक पायलट को गिरफ्तार किया गया है। | 15 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: पाकिस्तान ने उम्मीद जताई कि मोहाली में भारत-पाक क्रिकेट मैच से द्विपक्षीय क्रिकेट संबंधों की बहाली होगी और अन्य संबंधों में भी सुधार होगा। भारत में पाकिस्तान के उच्चायुक्त शाहिद मलिक ने कहा कि मेरा मानना है कि यह दोनों देशों के क्रिकेट संबंधों के लिए अच्छा है और इससे अन्य चीजों में भी सकारात्मक असर देखने को मिलेगा। भारत बुधवार को मोहाली में विश्व कप के सेमीफाइनल में पाकिस्तान के साथ खेलेगा। उन्होंने कहा कि क्रिकेट मैच के तुरंत बाद दोनों देशों के बीच आगामी गृह सचिव स्तर की वार्ता द्विपक्षीय संबंधों के लिए अच्छा होगा। उन्होंने कहा, गृह सचिव स्तर की वार्ता वास्तव में आगे की बैठकों के लिए अहम होगी और मुझे विश्वास है कि क्रिकेट मैच द्विपक्षीय संबंधों के लिए अच्छा होगा। वर्ष 2008 में मुंबई हमले के बाद दोनों देशों के बीच क्रिकेट संबंध लंबित हैं। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने अपने पाकिस्तानी समकक्ष यूसुफ रजा गिलानी और राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी को 30 मार्च को मैच देखने के लिए आमंत्रित किया है। | संक्षिप्त पाठ: पाकिस्तान ने उम्मीद जताई कि मोहाली में भारत-पाक क्रिकेट मैच से द्विपक्षीय क्रिकेट संबंधों की बहाली होगी और अन्य संबंधों में भी सुधार होगा। | 27 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: फिल्म 'बाहुबली : द कन्क्लूशन्स' की रिलीज का इंतजार हर कोई कर रहा है, क्योंकि सबको उनके इस सवाल का जवाब मिलेगा कि आखिर कटप्पा ने बाहुबली को क्यों मारा था. लेकिन इससे पहले ही इस फिल्म का बेसब्री से इंतजार कर रहे दर्शकों के लिए एक खुशखबरी है. जहां हाल ही में महाशिवरात्रि के मौके पर इस फिल्म का मोशन पोस्टर रिलीज किया गया और इसे दर्शकों ने काफी पसंद भी किया. न्यूज एजेंसी आईएएनएस के अनुसार अब 'बाहुबली के निर्माता, इस फिल्म का ग्राफिक उपन्यास लेकर आ रहे हैं जिसका शीर्षक 'बाहुबली: बैटल ऑफ द बोल्ड' रखा गया है. इसे लोग अपने अपने मोबाइल पर फ्री में डाउनलोड कर सकते हैं. जानकारी के अनुसार थोड़े समय में इसके क्षेत्रीय संस्करण भी जारी किए जाएंगे.
फिल्म के ग्राफिक उपन्यास की रिलीज को लेकर लोग काफी उत्साहित हैं और कयास लगाए जा रहे हैं कि उपन्यास को भारी तादाद में लोग डाउनलोड करके इसे भी सुपरहिट बना देंगे. इस नॉवल में भल्लाल देव और बाहुबली के बीच की लड़ाई को दिखाया गया है.
बता दें कि बाहुबली का दूसरा हिस्सा असी साल 28 अप्रैल में रिलीज होने वाला है लेकिन इससे पहले ही इस फिल्म ने 500 करोड़ से ऊपर की कमाई कर ली है. इस फिल्म के सैटेलाइट राइट्स से ही अभी तक 500 करोड़ की कमाई हो गई है. यह फिल्म हिंदी समेत चार भाषाओं में रिलीज की जाएगी. फिल्म के पोस्टर्स की बात करें तो अब तक कुल 3 पोस्टर्स रिलीज किए जा चुके हैं, जिनमें पहला फिल्म के लीड एक्टर प्रभास का था और दूसरा राणा डग्गुबाती का, जबकि तीसरे पोस्टर में प्रभास और लीड एक्ट्रेस अनुष्का शेट्टी एक साथ नजर आए.
'बाहुबली' के पहले भाग को लोगों ने बहुत पसंद किया था. फिल्म भारतीय सिनेमा की आज तक की सबसे बड़ी हिट फिल्मों में से एक है. '
'बाहुबली' के पहले भाग को लोगों ने बहुत पसंद किया था. फिल्म भारतीय सिनेमा की आज तक की सबसे बड़ी हिट फिल्मों में से एक है. ' | संक्षिप्त पाठ: बाहुबली के निर्माताओं ने बताया फिल्म का ग्राफिक उपन्यास
इस उपन्यास को मोबाइल पर फ्री में डाउनलोड कर सकते हैं
बाहुबली का सीक्वेल 'बाहुबली 2' इसी साल अप्रैल में रिलीज होगा | 14 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: सलमान खान (Salman Khan) के साथ 'भारत (Bharat)' फिल्म में नजर आ रहीं दिशा पटानी (Disha Patani) ने कहा है कि शायद अब वे कभी बॉलीवुड के सुल्तान के साथ काम न कर सकें. दिशा पटानी ने मुंबई मिरर से हुई बातचीत में इस बात का खुलासा किया है. जब दिशा पटानी (Disha Patani) से पूछा गया कि वे ऐसा क्यों सोचती हैं तो उन्होंने जवाब दियाः 'हमारी उम्र में अंतर की वजह से मैं ऐसा सोचती हूं. भारत में, यह ठीक था क्योंकि सलमान खान (Salman Khan) सर उस हिस्से में 20-30 साल के शख्स का रोल निभा रहे थे, इसलिए तुरंत हां कर दी. वह बहुत ही कमाल के इनसान हैं, और बहुत ही मेहनती भी हैं. मुझे उनसे सीखने के लिए बहुत कुछ मिला है. ईमानदारी से कहूं तो मुझे नहीं लगता कि मुझे सलमान सर के साथ दोबारा काम करने को मिलेगा. यहां तक कि अली सर (भारत के डायरेक्टर अली अब्बास जफर) ने मुझे स्क्रिप्ट सुनाते समय यही बात कही थी.'
दिशा पटानी (Disha Patani) 'भारत' फिल्म में ट्रेपिज आर्टिस्ट का किरदार निभा रही हैं जो साठ के दशक में सर्कस में काम करती है. इस सर्कस में सलमान खआन स्टंटमैन हैं. फिल्म में सलमान खान का नाम भारत है. दिशा पटानी ने बातचीत में बताया, 'अली सर ने मुझे इस रोल के लिए बताया था, जो स्पेशल अपियरेंस है. मैं उनकी बात सुनी और सलमान सर के साथ ट्रेपिज आर्टिस्ट का किरदार था तो मैंने हां कर दी.'
सलमान खान की फिल्म 'भारत (Bharat)' को अली अब्बास जफर ने डायरेक्ट किया . 'भारत' में सलमान खान (Salman Khan) के अलावा कैटरीना कैफ (Katrina Kaif), दिशा पटानी (Disha Patani), जैकी श्रॉफ (Jackie Shroff) और सुनील ग्रोवर (Sunil Grover) भी हैं. सलमान खान की भारत ईद (Eid 2019) के मौके पर यानी 5 जून रिलीज होने जा रही है. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: सलमान खान के साथ नजर आएंगी दिशा
5 जून को रिलीज हो रही है फिल्म
अली अब्बास जफर ने की है डायरेक्ट | 11 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: नेताओं, नौकराशाहों, उद्योगपतियों और कई अन्य हाई प्रोफाइल लोगों की एस्सार ग्रुप द्वारा फोन टैपिंग के आरोपों की प्रारंभिक जांच कर रही दिल्ली पुलिस ने इस मामले में शिकायतकर्ता सुरेन उप्पल से दो घंटे से अधिक समय तक आज पूछताछ की.
सूत्रों ने बताया कि दिल्ली पुलिस द्वारा गठित विशेष जांच टीम ने उप्पल को सुबह करीब 11 बजे पूछताछ के लिए अपने मुख्यालय बुलाया था. उनसे कई मुद्दों पर सवाल पूछे गए जिनमें उनके आरोप और फोन टैपिंग के समर्थन में दावा किए गए साक्ष्यों के बारे सवाल भी शामिल थे. उन्होंने बताया कि विशेष आयुक्त रैंक के अधिकारी के नेतृत्व में एसआईटी अधिकारियों ने उनसे लॉग बुक सहित दस्तावेजी साक्ष्य, हस्तलिखित नोट और कुछ शीर्ष नेताओं एवं हाई प्रोफाइल लोगों की रिकार्डिंग के बारे में पूछा जिन्हें रखने का उन्होंने दावा किया था.
उप्पल ने बताया कि पांच अधिकारियों की एक टीम ने उनसे दो घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की और वह आरोपों के समर्थन में अपने पास मौजूद सभी साक्ष्य मुहैया करने के लिए राजी हुए. उप्पल ने बताया, "अधिकारियों ने मुझसे दो घंटे पूछताछ की.
मैं पुलिस को सारे साक्ष्य मुहैया करने को राजी हुआ लेकिन उनसे कुछ निजी बातचीत को सार्वजनिक नहीं करने का अनुरोध किया जो लोगों का जीवन बर्बाद कर सकता है. मुझे 17 सितंबर को फिर से जांच में शामिल होने के लिए बुलाया गया है." उन्होंने एसआईटी को एक पत्र भी सौंपा है जिसमें कहा गया है कि टेप की जो विषय वस्तु निजी प्रकृति की हैं उन्हें सार्वजनिक नहीं किया जाना चाहिए.टिप्पणियां
गौरतलब है कि उप्पल ने दिल्ली उच्च न्यायालय में जून में एक जनहित याचिका दायर कर आरोप लगाया था कि कुछ केंद्रीय मंत्री सहित कई हाई प्रोफाइल लोगों के एस्सार ने फोन की टैपिंग की. उन्होंने इस मामले में एस्सार के खिलाफ पीएमओ का भी रूख किया था. सूत्रों ने बताया कि एसआईटी द्वारा कई लोगों को जांच में शामिल होने के लिए बुलाए जाने की संभावना है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
सूत्रों ने बताया कि दिल्ली पुलिस द्वारा गठित विशेष जांच टीम ने उप्पल को सुबह करीब 11 बजे पूछताछ के लिए अपने मुख्यालय बुलाया था. उनसे कई मुद्दों पर सवाल पूछे गए जिनमें उनके आरोप और फोन टैपिंग के समर्थन में दावा किए गए साक्ष्यों के बारे सवाल भी शामिल थे. उन्होंने बताया कि विशेष आयुक्त रैंक के अधिकारी के नेतृत्व में एसआईटी अधिकारियों ने उनसे लॉग बुक सहित दस्तावेजी साक्ष्य, हस्तलिखित नोट और कुछ शीर्ष नेताओं एवं हाई प्रोफाइल लोगों की रिकार्डिंग के बारे में पूछा जिन्हें रखने का उन्होंने दावा किया था.
उप्पल ने बताया कि पांच अधिकारियों की एक टीम ने उनसे दो घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की और वह आरोपों के समर्थन में अपने पास मौजूद सभी साक्ष्य मुहैया करने के लिए राजी हुए. उप्पल ने बताया, "अधिकारियों ने मुझसे दो घंटे पूछताछ की.
मैं पुलिस को सारे साक्ष्य मुहैया करने को राजी हुआ लेकिन उनसे कुछ निजी बातचीत को सार्वजनिक नहीं करने का अनुरोध किया जो लोगों का जीवन बर्बाद कर सकता है. मुझे 17 सितंबर को फिर से जांच में शामिल होने के लिए बुलाया गया है." उन्होंने एसआईटी को एक पत्र भी सौंपा है जिसमें कहा गया है कि टेप की जो विषय वस्तु निजी प्रकृति की हैं उन्हें सार्वजनिक नहीं किया जाना चाहिए.टिप्पणियां
गौरतलब है कि उप्पल ने दिल्ली उच्च न्यायालय में जून में एक जनहित याचिका दायर कर आरोप लगाया था कि कुछ केंद्रीय मंत्री सहित कई हाई प्रोफाइल लोगों के एस्सार ने फोन की टैपिंग की. उन्होंने इस मामले में एस्सार के खिलाफ पीएमओ का भी रूख किया था. सूत्रों ने बताया कि एसआईटी द्वारा कई लोगों को जांच में शामिल होने के लिए बुलाए जाने की संभावना है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
उप्पल ने बताया कि पांच अधिकारियों की एक टीम ने उनसे दो घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की और वह आरोपों के समर्थन में अपने पास मौजूद सभी साक्ष्य मुहैया करने के लिए राजी हुए. उप्पल ने बताया, "अधिकारियों ने मुझसे दो घंटे पूछताछ की.
मैं पुलिस को सारे साक्ष्य मुहैया करने को राजी हुआ लेकिन उनसे कुछ निजी बातचीत को सार्वजनिक नहीं करने का अनुरोध किया जो लोगों का जीवन बर्बाद कर सकता है. मुझे 17 सितंबर को फिर से जांच में शामिल होने के लिए बुलाया गया है." उन्होंने एसआईटी को एक पत्र भी सौंपा है जिसमें कहा गया है कि टेप की जो विषय वस्तु निजी प्रकृति की हैं उन्हें सार्वजनिक नहीं किया जाना चाहिए.टिप्पणियां
गौरतलब है कि उप्पल ने दिल्ली उच्च न्यायालय में जून में एक जनहित याचिका दायर कर आरोप लगाया था कि कुछ केंद्रीय मंत्री सहित कई हाई प्रोफाइल लोगों के एस्सार ने फोन की टैपिंग की. उन्होंने इस मामले में एस्सार के खिलाफ पीएमओ का भी रूख किया था. सूत्रों ने बताया कि एसआईटी द्वारा कई लोगों को जांच में शामिल होने के लिए बुलाए जाने की संभावना है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
मैं पुलिस को सारे साक्ष्य मुहैया करने को राजी हुआ लेकिन उनसे कुछ निजी बातचीत को सार्वजनिक नहीं करने का अनुरोध किया जो लोगों का जीवन बर्बाद कर सकता है. मुझे 17 सितंबर को फिर से जांच में शामिल होने के लिए बुलाया गया है." उन्होंने एसआईटी को एक पत्र भी सौंपा है जिसमें कहा गया है कि टेप की जो विषय वस्तु निजी प्रकृति की हैं उन्हें सार्वजनिक नहीं किया जाना चाहिए.टिप्पणियां
गौरतलब है कि उप्पल ने दिल्ली उच्च न्यायालय में जून में एक जनहित याचिका दायर कर आरोप लगाया था कि कुछ केंद्रीय मंत्री सहित कई हाई प्रोफाइल लोगों के एस्सार ने फोन की टैपिंग की. उन्होंने इस मामले में एस्सार के खिलाफ पीएमओ का भी रूख किया था. सूत्रों ने बताया कि एसआईटी द्वारा कई लोगों को जांच में शामिल होने के लिए बुलाए जाने की संभावना है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
गौरतलब है कि उप्पल ने दिल्ली उच्च न्यायालय में जून में एक जनहित याचिका दायर कर आरोप लगाया था कि कुछ केंद्रीय मंत्री सहित कई हाई प्रोफाइल लोगों के एस्सार ने फोन की टैपिंग की. उन्होंने इस मामले में एस्सार के खिलाफ पीएमओ का भी रूख किया था. सूत्रों ने बताया कि एसआईटी द्वारा कई लोगों को जांच में शामिल होने के लिए बुलाए जाने की संभावना है.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | एसआईटी ने शिकायतकर्ता सुरेन उप्पल से की पूछताछ
17 सितंबर को होगी फिर से पूछताछ
निजी जानकारी को सार्वजनिक नहीं करने का किया अनुरोध | 34 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: मारियो बालोटली के दो शानदार गोलों की मदद से इटली ने जर्मनी को यूरो कप 2012 फुटबॉल टूर्नामेंट के सेमीफाइनल मैच में 2-1 से हराकर खिताबी मुकाबले में जगह बना ली। 1 जुलाई को होने वाले यूरो कप फाइनल मैच में अब इटली का मुकाबला पूर्व चैंपियन स्पेन से होगा।टिप्पणियां
इटली ने पहले हाफ में दबदबा बनाए रखा और बालोटली ने मैच के 20वें मिनट में हेडर से गोल करके टीम का गोल का खाता खोला। उन्होंने इसके बाद 36वें मिनट में फिर से अपने कौशल का एक और नमूना पेश करते हुए दूसरा गोल किया।
मैच के अंतिम क्षणों (92वें मिनट) में जर्मनी के मेसुत ओजिल ने पेनल्टी गोल दागकर स्कोर 2-1 कर दिया, लेकिन ओजिल का यह गोल सांत्वना से ज्यादा नहीं था। जर्मनी के लिए पहला हाफ अच्छा नहीं रहा और इस टीम के खिलाड़ी एक दूसरे को सही ढंग से पास देने में नाकाम रहे।
इटली ने पहले हाफ में दबदबा बनाए रखा और बालोटली ने मैच के 20वें मिनट में हेडर से गोल करके टीम का गोल का खाता खोला। उन्होंने इसके बाद 36वें मिनट में फिर से अपने कौशल का एक और नमूना पेश करते हुए दूसरा गोल किया।
मैच के अंतिम क्षणों (92वें मिनट) में जर्मनी के मेसुत ओजिल ने पेनल्टी गोल दागकर स्कोर 2-1 कर दिया, लेकिन ओजिल का यह गोल सांत्वना से ज्यादा नहीं था। जर्मनी के लिए पहला हाफ अच्छा नहीं रहा और इस टीम के खिलाड़ी एक दूसरे को सही ढंग से पास देने में नाकाम रहे।
मैच के अंतिम क्षणों (92वें मिनट) में जर्मनी के मेसुत ओजिल ने पेनल्टी गोल दागकर स्कोर 2-1 कर दिया, लेकिन ओजिल का यह गोल सांत्वना से ज्यादा नहीं था। जर्मनी के लिए पहला हाफ अच्छा नहीं रहा और इस टीम के खिलाड़ी एक दूसरे को सही ढंग से पास देने में नाकाम रहे। | संक्षिप्त पाठ: मारियो बालोटली के दो शानदार गोलों की मदद से इटली ने जर्मनी को यूरो कप के सेमीफाइनल मैच में 2-1 से हराकर खिताबी मुकाबले में जगह बना ली। 1 जुलाई को फाइनल में इटली का मुकाबला पूर्व चैंपियन स्पेन से होगा। | 27 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने शुक्रवार को कहा कि दिल्ली में शनिवार-रविवार यानी कल और परसों ऑड-ईवन योजना लागू नहीं होगी. सोमवार को इस पर आगे का फैसला लिया जाएगा. उन्होंने कहा कि हम प्रदूषण को लेकर चिंतित हैं. हालांकि यहां प्रदूषण दिल्ली की वजह से नहीं है. हवा की स्थिति पर कल और परसों नजर रखेंगे. इसके बाद सोमवार को तय करेंगे कि Odd-Even योजना आगे बढ़ानी है या नहीं. उन्होंने कहा कि दिल्ली में प्रदूषण पड़ोसी राज्यों में पराली जलाने की वजह से बढ़ा है, जो बेहद चिंता की बात है. इस दौरान मीडिया से बात करते हुए सीएम केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली सरकार 'मुख्यमंत्री सैप्टिक टैंक' योजना शुरू कर रही है. इस योजना के तहत लोगों के सैप्टिक टैंक की मुफ्त सफाई होगी.
आपको बता दें कि दिल्ली-NCR में आज भी प्रदूषण से बुरा हाल है. दिल्ली के कई इलाक़ों में एयर क्वालिटी इंडेक्स यानी AQI 700 के पार चला गया है. द्वारका में तो AQI 900 के पार है. 10 सबसे प्रदूषित इलाक़ों में 9 दिल्ली के हैं. नोएडा, ग़ाज़ियाबाद और गुरुग्राम में भी हालात ऐसे ही हैं. दूसरी तरफ, दिल्ली-NCR के स्कूल आज भी प्रदूषण की वजह से बंद हैं. दिल्ली के द्वारका, पूसा रोड, रोहिणी, सत्यवती कॉलेज जैसे इलाकों में सबसे ज़्यादा प्रदूषण का स्तर मापा गया है. हालांकि पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के वायु गुणवत्ता निगरानीकर्ता 'सफर' का कहना है कि नए सिरे से पश्चिमी विक्षोभ के चलते हवाओं की गति बढ़ने से शुक्रवार को दिल्ली में प्रदूषण की स्थिति में सुधार की संभावना है.
सफर ने जानकारी दी है कि मंगलवार को दिल्ली के पड़ोसी राज्यों में पराली जलाने की केवल 480 घटनाएं दर्ज की गयीं. सफर ने बताया,‘अफगानिस्तान और पड़ोसी इलाकों के ऊपर चक्रवाती तूफान के कारण नए सिरे से पश्चिमी विक्षोभ बन रहा है. अगले दो दिन में इसका असर उत्तर पश्चिमी भारत पर पड़ेगा और इससे शुक्रवार तक हवा की रफ्तार बढ़ेगी.' सफर ने कहा है कि हवा की ‘बहुत खराब' श्रेणी में 16 नवंबर तक ही सुधार होने की संभावना है. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: सीएम केजरीवाल ने कहा, प्रदूषण को लेकर चिंतित
दिल्ली में पड़ोसी राज्यों की वजह से बढ़ा प्रदूषण
ऑड-ईवन योजना बढ़ाने पर सोमवार को होगा निर्णय | 32 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: खुदरा क्षेत्र में एफडीआई पर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की मांग के आगे झुकने के बाद केन्द्र ने राज्य के पिछड़े क्षेत्रों के विकास के लिए बुधवार को उसे 8,750 करोड़ रुपये के विशेष पैकेज का तोहफा दिया। योजना आयोग के इस प्रस्ताव को आज शाम हुई केन्द्रीय कैबिनेट की बैठक में मंजूर कर लिया गया। यह पैकेज नक्सलवाद से प्रभावित पिछड़े इलाकों के लिये है जिसमें जंगलमहल शामिल है। जंगलमहल के इलाके में पश्चिम मिदनापुर, पुरुलिया और बांकुड़ा आते हैं। पैकेज के तहत ग्रामीण रोजगार, स्वच्छ पेयजल, वाटरशेड और ग्रामीण सड़क निर्माण जैसे पहलुओं को शामिल किए जाने की संभावना है। ग्रामीण विकास मंत्री जयराम रमेश ने धन की जरूरत का आकलन करने के लिए हाल ही में ऐसे इलाकों का दौरा किया था। रमेश ने बाद में कहा था कि माओवादी ताकतों से मुकाबला करने के लिए जंगलमहल में ग्रामीण विकास कार्यक्रमों का कैसे प्रभावी इस्तेमाल किया जाए, इस पर उन्होंने बनर्जी से चर्चा की। वास्तव में पश्चिम बंगाल के लिए पैकेज को उस दिन मंजूर किया गया जब केन्द्र सरकार ने बहु.ब्रांड खुदरा क्षेत्र में 51 प्रतिशत एफडीआई की अनुमति के अपने निर्णय को निरस्त करने की घोषणा की है। केन्द्र में सत्तारूढ़ संप्रग की प्रमुख घटक दल तृणमूल कांग्रेस खुदरा क्षेत्र में एफडीआई के निर्णय का विरोध करती रही है और इस पर रोक लगाने की मांग करती रही है। रिजर्व बैंक की राज्य वित्त रपट के मुताबिक, पश्चिम बंगाल पर 1.9 लाख करोड़ रुपये का ऋण है जिससे राज्य वित्तीय दिक्कतों का सामना करता रहा है। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: ममता बनर्जी की मांग के आगे झुकने के बाद केन्द्र ने राज्य के पिछड़े क्षेत्रों के विकास के लिए बुधवार को उसे 8,750 करोड़ रुपये के विशेष पैकेज का तोहफा दिया। | 19 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: वरिष्ठ भाजपा नेता लालकृष्ण आडवाणी के पूर्व सहयोगी सुधींद्र कुलकर्णी 2008 के नोट के बदले वोट घोटाले में अपनी कथित भूमिका के लिए जारी सम्मन के जवाब में आज दिल्ली की एक अदालत में पेश हुए। कुलकर्णी विशेष न्यायाधीश संगीता ढींगरा सहगल के समक्ष पेश हुए। इससे पहले वह छह और 19 सितंबर को इस आधार पर अदालत में पेश होने में विफल रहे थे कि वह अमेरिका में हैं। अदालत ने 19 सितंबर को उनके वकील को चेतावनी दी थी कि अगली तारीख पर पेशी में विफल रहने पर उसे कुलकर्णी के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी करने के लिए विवश होना पड़ेगा। अदालत में पेश होने से पहले कैश फॉर वोट मामले में कोर्ट पहुंचे सुधींद्र कुलकर्णी ने कहा है कि मैं निर्दोष हूं। मैंने कुछ गलत नहीं किया है। उन्होंने एनडीटीवी इंडिया से खास बातचीत में कहा की अगर भ्रष्टाचार सामने लाना गुनाह है तो मैं गुनाहगार हूं। और इसके लिए जेल जाने को भी तैयार हूं। उन्होंने आगे कहा, मैं सांसदों की खरीद फरोख्त को बाहर लाया। मैं किसी पार्टी के साथ नहीं हूं। यही नहीं मैंने दिल्ली पुलिस को इस मामले में पूरा सहयोग दिया। जहां तक विदेश जाने की बात है तो मैं चार्जशीट दाखिल होने से पहले विदेश गया था। | सारांश: कैश फॉर वोट मामले में कोर्ट पहुंचे सुधींद्र कुलकर्णी ने एनडीटीवी इंडिया से कहा है कि मैं निर्दोष हूं। मैंने कुछ गलत नहीं किया है। | 7 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: महाराष्ट्र के पेट्रोल पंपों ने फैसला किया है कि वह सिर्फ 9 से 5 के बीच ही पंप खुले रखेंगे। कम कमीशन के विरोध में यह कदम उठाया गया है। डीलरों की शिकायत है कि डीजल और पेट्रोल की कीमतें तो बढ़ रही हैं, लेकिन उनका कमीशन नहीं बढ़ाया गया।
दूसरी तरफ यह भी खबर है कि सरकार डीलरों का कमीशन बढ़ाने का ऐलान कर सकती है। अभी पेट्रोल पंप डीलरों को डीजल पर प्रति लीटर 91 पैसे और पेट्रोल पर 1.49 पैसे प्रति लीटर कमीशन तेल कंपनियों की तरफ से दिया जाता है, लेकिन डीलर्स का कहना है कि खर्च में बढ़ोतरी के चलते मौजूदा कमीशन काफी नहीं है। उनकी मांग है कि डीजल पर 42 पैसे प्रति लीटर और पेट्रोल पर 67 पैसे प्रति लीटर उनका कमीशन बढ़ाया जाए।टिप्पणियां
उधर, कमीशन बढ़ाये जाने की मांग को लेकर विरोध स्वरूप कानपुर के पेट्रोल पंप डीलरों ने भी आज से केवल एक पाली में पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति करने का निर्णय किया है।
शहर के पेट्रोल पंप डीलर आज से सुबह 6 बजे से दोपहर 12 बजे तक अपने पेट्रोल पंप बंद रखेंगे। पेट्रोल पंप मालिको का यह विरोध 15 दिन तक चलेगा।
दूसरी तरफ यह भी खबर है कि सरकार डीलरों का कमीशन बढ़ाने का ऐलान कर सकती है। अभी पेट्रोल पंप डीलरों को डीजल पर प्रति लीटर 91 पैसे और पेट्रोल पर 1.49 पैसे प्रति लीटर कमीशन तेल कंपनियों की तरफ से दिया जाता है, लेकिन डीलर्स का कहना है कि खर्च में बढ़ोतरी के चलते मौजूदा कमीशन काफी नहीं है। उनकी मांग है कि डीजल पर 42 पैसे प्रति लीटर और पेट्रोल पर 67 पैसे प्रति लीटर उनका कमीशन बढ़ाया जाए।टिप्पणियां
उधर, कमीशन बढ़ाये जाने की मांग को लेकर विरोध स्वरूप कानपुर के पेट्रोल पंप डीलरों ने भी आज से केवल एक पाली में पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति करने का निर्णय किया है।
शहर के पेट्रोल पंप डीलर आज से सुबह 6 बजे से दोपहर 12 बजे तक अपने पेट्रोल पंप बंद रखेंगे। पेट्रोल पंप मालिको का यह विरोध 15 दिन तक चलेगा।
उधर, कमीशन बढ़ाये जाने की मांग को लेकर विरोध स्वरूप कानपुर के पेट्रोल पंप डीलरों ने भी आज से केवल एक पाली में पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति करने का निर्णय किया है।
शहर के पेट्रोल पंप डीलर आज से सुबह 6 बजे से दोपहर 12 बजे तक अपने पेट्रोल पंप बंद रखेंगे। पेट्रोल पंप मालिको का यह विरोध 15 दिन तक चलेगा।
शहर के पेट्रोल पंप डीलर आज से सुबह 6 बजे से दोपहर 12 बजे तक अपने पेट्रोल पंप बंद रखेंगे। पेट्रोल पंप मालिको का यह विरोध 15 दिन तक चलेगा। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: महाराष्ट्र के पेट्रोल पंपों ने फैसला किया है कि वह सिर्फ 9 से 5 के बीच ही पंप खुले रखेंगे। कम कमीशन के विरोध में यह कदम उठाया गया है। | 19 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: गुवाहाटी में एक लड़की के साथ सरेआम छेड़छाड़ और उत्पीड़न की शर्मनाक घटना के सामने आने के बाद असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई ने पुलिस की ओर से बरती गई लापरवाही को स्वीकार करते हुए पुलिस विभाग से कहा है कि 48 घंटों के भीतर सभी जिम्मेदार युवकों को गिरफ्तार किया जाए।
मुख्यमंत्री की ओर से पुलिस के लिए कार्रवाई करने की समयसीमा शुक्रवार रात दी गई। अपने आवास पर वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक के बाद गोगोई ने संवाददाताओं को बताया कि वीडियो फुटेज में नजर आने वाले युवकों को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस को आदेश दिया गया है।
पुलिस की ओर से खामी को स्वीकार करते हुए गोगोई ने कहा, मैंने पहले ही इस बात का स्पष्टीकरण मांगा है कि सभी युवकों को अब तक गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया। पुलिस ने इस मामले में अब तक चार लोगों को गिरफ्तार किया है, जबकि कुल 12 लोगों की शिनाख्त की गई थी। टीवी चैनलों पर फुटेज दिखाए जाने के बाद इस मामले ने तूल पकड़ा।टिप्पणियां
गोगोई ने कहा, मैं स्पष्ट करना चाहता हूं कि मैंने न सिर्फ इस बेहद दुर्भाग्यपूर्ण घटना की निंदा की है, बल्कि पुलिस को तत्काल कार्रवाई करने के लिए कहा है। अतिरिक्त मुख्य सचिव एमिली चौधरी के तहत एक आयोग का गठन किया गया है, जो इस घटना की जांच करेगा और 15 दिन के भीतर रिपोर्ट सौंपेगा।
राज्य के सामाजिक कल्याण मंत्री एकोन बोरा ने पीड़िता से उसके आवास पर मुलाकात की और उसे पूरी सुरक्षा और इंसाफ का भरोसा दिलाया।
मुख्यमंत्री की ओर से पुलिस के लिए कार्रवाई करने की समयसीमा शुक्रवार रात दी गई। अपने आवास पर वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक के बाद गोगोई ने संवाददाताओं को बताया कि वीडियो फुटेज में नजर आने वाले युवकों को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस को आदेश दिया गया है।
पुलिस की ओर से खामी को स्वीकार करते हुए गोगोई ने कहा, मैंने पहले ही इस बात का स्पष्टीकरण मांगा है कि सभी युवकों को अब तक गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया। पुलिस ने इस मामले में अब तक चार लोगों को गिरफ्तार किया है, जबकि कुल 12 लोगों की शिनाख्त की गई थी। टीवी चैनलों पर फुटेज दिखाए जाने के बाद इस मामले ने तूल पकड़ा।टिप्पणियां
गोगोई ने कहा, मैं स्पष्ट करना चाहता हूं कि मैंने न सिर्फ इस बेहद दुर्भाग्यपूर्ण घटना की निंदा की है, बल्कि पुलिस को तत्काल कार्रवाई करने के लिए कहा है। अतिरिक्त मुख्य सचिव एमिली चौधरी के तहत एक आयोग का गठन किया गया है, जो इस घटना की जांच करेगा और 15 दिन के भीतर रिपोर्ट सौंपेगा।
राज्य के सामाजिक कल्याण मंत्री एकोन बोरा ने पीड़िता से उसके आवास पर मुलाकात की और उसे पूरी सुरक्षा और इंसाफ का भरोसा दिलाया।
पुलिस की ओर से खामी को स्वीकार करते हुए गोगोई ने कहा, मैंने पहले ही इस बात का स्पष्टीकरण मांगा है कि सभी युवकों को अब तक गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया। पुलिस ने इस मामले में अब तक चार लोगों को गिरफ्तार किया है, जबकि कुल 12 लोगों की शिनाख्त की गई थी। टीवी चैनलों पर फुटेज दिखाए जाने के बाद इस मामले ने तूल पकड़ा।टिप्पणियां
गोगोई ने कहा, मैं स्पष्ट करना चाहता हूं कि मैंने न सिर्फ इस बेहद दुर्भाग्यपूर्ण घटना की निंदा की है, बल्कि पुलिस को तत्काल कार्रवाई करने के लिए कहा है। अतिरिक्त मुख्य सचिव एमिली चौधरी के तहत एक आयोग का गठन किया गया है, जो इस घटना की जांच करेगा और 15 दिन के भीतर रिपोर्ट सौंपेगा।
राज्य के सामाजिक कल्याण मंत्री एकोन बोरा ने पीड़िता से उसके आवास पर मुलाकात की और उसे पूरी सुरक्षा और इंसाफ का भरोसा दिलाया।
गोगोई ने कहा, मैं स्पष्ट करना चाहता हूं कि मैंने न सिर्फ इस बेहद दुर्भाग्यपूर्ण घटना की निंदा की है, बल्कि पुलिस को तत्काल कार्रवाई करने के लिए कहा है। अतिरिक्त मुख्य सचिव एमिली चौधरी के तहत एक आयोग का गठन किया गया है, जो इस घटना की जांच करेगा और 15 दिन के भीतर रिपोर्ट सौंपेगा।
राज्य के सामाजिक कल्याण मंत्री एकोन बोरा ने पीड़िता से उसके आवास पर मुलाकात की और उसे पूरी सुरक्षा और इंसाफ का भरोसा दिलाया।
राज्य के सामाजिक कल्याण मंत्री एकोन बोरा ने पीड़िता से उसके आवास पर मुलाकात की और उसे पूरी सुरक्षा और इंसाफ का भरोसा दिलाया। | संक्षिप्त पाठ: गुवाहाटी में एक लड़की के साथ छेड़छाड़ के शर्मनाक मामले में असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई ने पुलिस की लापरवाही कबूल करते हुए पुलिस विभाग से कहा है कि 48 घंटों के भीतर सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया जाए। | 27 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: देश के शेयर बाजारों में मंगलवार को गिरावट का रुख रहा। प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 112.37 अंकों की गिरावट के साथ 20,111.61 पर और निफ्टी 42.80 अंकों की गिरावट के साथ 6,114.10 पर बंद हुआ।
बम्बई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का 30 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 3.19 अंकों की तेजी के साथ 20,227.17 पर खुला और 112.37 अंकों यानी 0.56 फीसदी की गिरावट के साथ 20,111.61 पर बंद हुआ। दिनभर के कारोबार में सेंसेक्स ने 20,308.04 के ऊपरी और 20,072.68 के निचले स्तर को छुआ।
सेंसेक्स के 30 में से नौ शेयरों में तेजी दर्ज की गई। कोल इंडिया (2.11 फीसदी), भेल (1.83 फीसदी), टीसीएस (1.03 फीसदी), इंफोसिस (0.92 फीसदी) और सन फार्मा (0.78 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
सेंसेक्स के गिरावट वाले शेयरों में प्रमुख रहे एनटीपीसी (4.21 फीसदी), टाटा मोटर्स (3.06 फीसदी), मारुति सुजुकी (2.49 फीसदी), एसबीआई (2.16 फीसदी) और टाटा स्टील (2.11 फीसदी)।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक निफ्टी 4.55 अंकों की गिरावट के साथ 6,152.35 पर खुला और 42.80 अंकों या 0.70 फीसदी की गिरावट के साथ 6,114.10 पर बंद हुआ। दिन भर के कारोबार में निफ्टी ने 6,180.25 के ऊपरी और 6,102.35 के निचले स्तर को छुआ।
बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी गिरावट दर्ज की गई। मिडकैप सूचकांक 40.65 अंकों की गिरावट के साथ 6,547.32 पर और स्मॉलकैप 26.82 अंकों की गिरावट के साथ 6,159.83 पर बंद हुआ।टिप्पणियां
बीएसई के 13 में से तीन सेक्टरों सूचना प्रौद्योगिकी (0.80 फीसदी), प्रौद्योगिकी (0.44 फीसदी) और उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु (0.01 फीसदी) में तेजी दर्ज की गई।
बीएससी के गिरावट वाले सेक्टरों में रियल्टी (2.59 फीसदी), वाहन (1.75 फीसदी), बिजली (1.06 फीसदी), सार्वजनिक क्षेत्र (1.00 फीसदी) और बैंकिंग (0.88 फीसदी) प्रमुख रहे।
बीएससी में कारोबार का रुझान नकारात्मक रहा। कुल 940 शेयरों में तेजी और 1429 में गिरावट दर्ज की गई, जबकि 143 शेयरों के भाव में कोई परिवर्तन नहीं हुआ।
बम्बई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का 30 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 3.19 अंकों की तेजी के साथ 20,227.17 पर खुला और 112.37 अंकों यानी 0.56 फीसदी की गिरावट के साथ 20,111.61 पर बंद हुआ। दिनभर के कारोबार में सेंसेक्स ने 20,308.04 के ऊपरी और 20,072.68 के निचले स्तर को छुआ।
सेंसेक्स के 30 में से नौ शेयरों में तेजी दर्ज की गई। कोल इंडिया (2.11 फीसदी), भेल (1.83 फीसदी), टीसीएस (1.03 फीसदी), इंफोसिस (0.92 फीसदी) और सन फार्मा (0.78 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
सेंसेक्स के गिरावट वाले शेयरों में प्रमुख रहे एनटीपीसी (4.21 फीसदी), टाटा मोटर्स (3.06 फीसदी), मारुति सुजुकी (2.49 फीसदी), एसबीआई (2.16 फीसदी) और टाटा स्टील (2.11 फीसदी)।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक निफ्टी 4.55 अंकों की गिरावट के साथ 6,152.35 पर खुला और 42.80 अंकों या 0.70 फीसदी की गिरावट के साथ 6,114.10 पर बंद हुआ। दिन भर के कारोबार में निफ्टी ने 6,180.25 के ऊपरी और 6,102.35 के निचले स्तर को छुआ।
बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी गिरावट दर्ज की गई। मिडकैप सूचकांक 40.65 अंकों की गिरावट के साथ 6,547.32 पर और स्मॉलकैप 26.82 अंकों की गिरावट के साथ 6,159.83 पर बंद हुआ।टिप्पणियां
बीएसई के 13 में से तीन सेक्टरों सूचना प्रौद्योगिकी (0.80 फीसदी), प्रौद्योगिकी (0.44 फीसदी) और उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु (0.01 फीसदी) में तेजी दर्ज की गई।
बीएससी के गिरावट वाले सेक्टरों में रियल्टी (2.59 फीसदी), वाहन (1.75 फीसदी), बिजली (1.06 फीसदी), सार्वजनिक क्षेत्र (1.00 फीसदी) और बैंकिंग (0.88 फीसदी) प्रमुख रहे।
बीएससी में कारोबार का रुझान नकारात्मक रहा। कुल 940 शेयरों में तेजी और 1429 में गिरावट दर्ज की गई, जबकि 143 शेयरों के भाव में कोई परिवर्तन नहीं हुआ।
सेंसेक्स के 30 में से नौ शेयरों में तेजी दर्ज की गई। कोल इंडिया (2.11 फीसदी), भेल (1.83 फीसदी), टीसीएस (1.03 फीसदी), इंफोसिस (0.92 फीसदी) और सन फार्मा (0.78 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
सेंसेक्स के गिरावट वाले शेयरों में प्रमुख रहे एनटीपीसी (4.21 फीसदी), टाटा मोटर्स (3.06 फीसदी), मारुति सुजुकी (2.49 फीसदी), एसबीआई (2.16 फीसदी) और टाटा स्टील (2.11 फीसदी)।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक निफ्टी 4.55 अंकों की गिरावट के साथ 6,152.35 पर खुला और 42.80 अंकों या 0.70 फीसदी की गिरावट के साथ 6,114.10 पर बंद हुआ। दिन भर के कारोबार में निफ्टी ने 6,180.25 के ऊपरी और 6,102.35 के निचले स्तर को छुआ।
बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी गिरावट दर्ज की गई। मिडकैप सूचकांक 40.65 अंकों की गिरावट के साथ 6,547.32 पर और स्मॉलकैप 26.82 अंकों की गिरावट के साथ 6,159.83 पर बंद हुआ।टिप्पणियां
बीएसई के 13 में से तीन सेक्टरों सूचना प्रौद्योगिकी (0.80 फीसदी), प्रौद्योगिकी (0.44 फीसदी) और उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु (0.01 फीसदी) में तेजी दर्ज की गई।
बीएससी के गिरावट वाले सेक्टरों में रियल्टी (2.59 फीसदी), वाहन (1.75 फीसदी), बिजली (1.06 फीसदी), सार्वजनिक क्षेत्र (1.00 फीसदी) और बैंकिंग (0.88 फीसदी) प्रमुख रहे।
बीएससी में कारोबार का रुझान नकारात्मक रहा। कुल 940 शेयरों में तेजी और 1429 में गिरावट दर्ज की गई, जबकि 143 शेयरों के भाव में कोई परिवर्तन नहीं हुआ।
सेंसेक्स के गिरावट वाले शेयरों में प्रमुख रहे एनटीपीसी (4.21 फीसदी), टाटा मोटर्स (3.06 फीसदी), मारुति सुजुकी (2.49 फीसदी), एसबीआई (2.16 फीसदी) और टाटा स्टील (2.11 फीसदी)।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक निफ्टी 4.55 अंकों की गिरावट के साथ 6,152.35 पर खुला और 42.80 अंकों या 0.70 फीसदी की गिरावट के साथ 6,114.10 पर बंद हुआ। दिन भर के कारोबार में निफ्टी ने 6,180.25 के ऊपरी और 6,102.35 के निचले स्तर को छुआ।
बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी गिरावट दर्ज की गई। मिडकैप सूचकांक 40.65 अंकों की गिरावट के साथ 6,547.32 पर और स्मॉलकैप 26.82 अंकों की गिरावट के साथ 6,159.83 पर बंद हुआ।टिप्पणियां
बीएसई के 13 में से तीन सेक्टरों सूचना प्रौद्योगिकी (0.80 फीसदी), प्रौद्योगिकी (0.44 फीसदी) और उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु (0.01 फीसदी) में तेजी दर्ज की गई।
बीएससी के गिरावट वाले सेक्टरों में रियल्टी (2.59 फीसदी), वाहन (1.75 फीसदी), बिजली (1.06 फीसदी), सार्वजनिक क्षेत्र (1.00 फीसदी) और बैंकिंग (0.88 फीसदी) प्रमुख रहे।
बीएससी में कारोबार का रुझान नकारात्मक रहा। कुल 940 शेयरों में तेजी और 1429 में गिरावट दर्ज की गई, जबकि 143 शेयरों के भाव में कोई परिवर्तन नहीं हुआ।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक निफ्टी 4.55 अंकों की गिरावट के साथ 6,152.35 पर खुला और 42.80 अंकों या 0.70 फीसदी की गिरावट के साथ 6,114.10 पर बंद हुआ। दिन भर के कारोबार में निफ्टी ने 6,180.25 के ऊपरी और 6,102.35 के निचले स्तर को छुआ।
बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी गिरावट दर्ज की गई। मिडकैप सूचकांक 40.65 अंकों की गिरावट के साथ 6,547.32 पर और स्मॉलकैप 26.82 अंकों की गिरावट के साथ 6,159.83 पर बंद हुआ।टिप्पणियां
बीएसई के 13 में से तीन सेक्टरों सूचना प्रौद्योगिकी (0.80 फीसदी), प्रौद्योगिकी (0.44 फीसदी) और उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु (0.01 फीसदी) में तेजी दर्ज की गई।
बीएससी के गिरावट वाले सेक्टरों में रियल्टी (2.59 फीसदी), वाहन (1.75 फीसदी), बिजली (1.06 फीसदी), सार्वजनिक क्षेत्र (1.00 फीसदी) और बैंकिंग (0.88 फीसदी) प्रमुख रहे।
बीएससी में कारोबार का रुझान नकारात्मक रहा। कुल 940 शेयरों में तेजी और 1429 में गिरावट दर्ज की गई, जबकि 143 शेयरों के भाव में कोई परिवर्तन नहीं हुआ।
बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी गिरावट दर्ज की गई। मिडकैप सूचकांक 40.65 अंकों की गिरावट के साथ 6,547.32 पर और स्मॉलकैप 26.82 अंकों की गिरावट के साथ 6,159.83 पर बंद हुआ।टिप्पणियां
बीएसई के 13 में से तीन सेक्टरों सूचना प्रौद्योगिकी (0.80 फीसदी), प्रौद्योगिकी (0.44 फीसदी) और उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु (0.01 फीसदी) में तेजी दर्ज की गई।
बीएससी के गिरावट वाले सेक्टरों में रियल्टी (2.59 फीसदी), वाहन (1.75 फीसदी), बिजली (1.06 फीसदी), सार्वजनिक क्षेत्र (1.00 फीसदी) और बैंकिंग (0.88 फीसदी) प्रमुख रहे।
बीएससी में कारोबार का रुझान नकारात्मक रहा। कुल 940 शेयरों में तेजी और 1429 में गिरावट दर्ज की गई, जबकि 143 शेयरों के भाव में कोई परिवर्तन नहीं हुआ।
बीएसई के 13 में से तीन सेक्टरों सूचना प्रौद्योगिकी (0.80 फीसदी), प्रौद्योगिकी (0.44 फीसदी) और उपभोक्ता टिकाऊ वस्तु (0.01 फीसदी) में तेजी दर्ज की गई।
बीएससी के गिरावट वाले सेक्टरों में रियल्टी (2.59 फीसदी), वाहन (1.75 फीसदी), बिजली (1.06 फीसदी), सार्वजनिक क्षेत्र (1.00 फीसदी) और बैंकिंग (0.88 फीसदी) प्रमुख रहे।
बीएससी में कारोबार का रुझान नकारात्मक रहा। कुल 940 शेयरों में तेजी और 1429 में गिरावट दर्ज की गई, जबकि 143 शेयरों के भाव में कोई परिवर्तन नहीं हुआ।
बीएससी में कारोबार का रुझान नकारात्मक रहा। कुल 940 शेयरों में तेजी और 1429 में गिरावट दर्ज की गई, जबकि 143 शेयरों के भाव में कोई परिवर्तन नहीं हुआ। | संक्षिप्त पाठ: देश के शेयर बाजारों में मंगलवार को गिरावट का रुख रहा। प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 112.37 अंकों की गिरावट के साथ 20,111.61 पर और निफ्टी 42.80 अंकों की गिरावट के साथ 6,114.10 पर बंद हुआ। | 27 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: राष्ट्रमंडल खेलों में अनियमितताओं की जांच के लिए प्रधानमंत्री द्वारा गठित शुंगलू समिति की रिपोर्ट में विभिन्न परियोजनाओं के क्रियान्वयन में हुई कथित देरी और प्रक्रियागत उल्लंघन के लिए उपराज्यपाल तेजिंदर खन्ना और दिल्ली की मुख्यमंत्री शीला दीक्षित का नाम आया है। राष्ट्रमंडल खेलगांव और अन्य आधारभूत संरचनाओं के निर्माण संबंधी विभिन्न ठेकों के संचालन में हुई अनियमितताओं के लिए समिति ने दो रिपोर्ट दाखिल की हैं। इन रिपोर्टों में लोकनिर्माण विभाग के प्रधान सचिव के के शर्मा, लोकनिर्माण विभाग के ही तब के मुख्य इंजीनियर आर सुब्रमणयम्, नयी दिल्ली नगर निगम के अध्यक्ष परिमल कुमार, दिल्ली विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष अशोक कुमार, नंदलाल: सदस्य, वित्त:, दिल्ली विकास प्राधिकरण के तब के सदस्य :इंजीनियरिंग: एके बजाज और शहरी विकास मंत्रालय के तब के सचिव एम जयचंद्रन जैसे वरिष्ठ अधिकारियों का नाम है। इन सभी पर परियोजनाओं की ज्यादा लागत आंकने और परियोजनाओं में विलंब करने का आरोप है। इस उच्चस्तरीय समिति ने खेल परियोजनाओं में हुई देरी के कारण 900 करोड़ रपए की हानि का अनुमान लगाया है। दूसरी तरफ खेलगांव में रिहायशी सुविधाओं के निर्माण में हुई देरी के लिए दिल्ली विकास प्राधिकरण को 300 करोड़ रुपए की हानि का अनुमान है। समिति ने खेलगांव में रिहायशी सुविधाओं के निर्माण का ठेका एम्मार एमजीएफ कंपनी को देने पर भी प्रश्नचिह्न खड़े किए हैं और इसे गलत करार दिया है। | संक्षिप्त पाठ: प्रक्रियागत उल्लंघन के लिए उपराज्यपाल तेजिंदर खन्ना और दिल्ली की मुख्यमंत्री शीला दीक्षित का नाम आया है। | 27 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार के एफडीआई मुद्दे पर गतिरोध दूर करने के प्रयास विफल होने के बीच प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने मुख्य विपक्षी दल के शीर्ष नेताओं को गुरुवार को रात्रिभोज पर आमंत्रित किया है, ताकि संसद के शीतकालीन सत्र की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाना सुनिश्चित हो सके।
मनमोहन सिंह ने बीजेपी संसदीय दल के अध्यक्ष लालकृष्ण आडवाणी, लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज और राज्यसभा में विपक्ष के नेता अरुण जेटली को 17 नवंबर को रात्रिभोज पर आमंत्रित किया था, लेकिन शिवसेना सुप्रीमो बाल ठाकरे का निधन होने के बाद सुषमा के आग्रह पर प्रधानमंत्री ने रात्रिभोज रद्द कर दिया था।
प्रधानमंत्री कार्यालय के सूत्रों ने बताया कि अब तीनों बीजेपी नेताओं को गुरुवार को प्रधानमंत्री निवास पर रात्रिभोज पर आमंत्रित किया गया है। प्रधानमंत्री मंगलवार देर रात कंबोडिया यात्रा से लौटे हैं। वह बुधवार दोपहर को मीरा कुमार की सर्वदलीय बैठक में नहीं शामिल हो सके, क्योंकि वह काफी थके हुए थे। टिप्पणियां
सरकार ने अपने सहयोगियों और बाहर से समर्थन कर रही पार्टियों के साथ बातचीत कर पूरी कोशिश की है कि लोकसभा में उसके पास अपेक्षित बहुमत हो। मनमोहन सिंह हाल ही में डीएमके और एनसीपी जैसे सहयोगी दलों तथा बाहर से समर्थन दे रहे सपा और बसपा के प्रमुखों के साथ भी रात्रिभोज या दोपहर भोज कर चुके है।
तृणमूल कांग्रेस सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की धमकी दे रही है, हालांकि बीजेपी और वाम दलों के साथ ही अन्य विपक्षी दलों ने अभी इस बारे में कोई संकेत नहीं दिया है। इस बीच मल्टी-ब्रांड रिटेल में एफडीआई को लेकर सरकार को असहज स्थिति का सामना करना पड़ सकता है। इस मुद्दे पर लगभग समूचा विपक्ष मत विभाजन के प्रावधान वाले नियम के तहत चर्चा करना चाहता है, हालांकि सरकार इससे सहमत नहीं है।
मनमोहन सिंह ने बीजेपी संसदीय दल के अध्यक्ष लालकृष्ण आडवाणी, लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज और राज्यसभा में विपक्ष के नेता अरुण जेटली को 17 नवंबर को रात्रिभोज पर आमंत्रित किया था, लेकिन शिवसेना सुप्रीमो बाल ठाकरे का निधन होने के बाद सुषमा के आग्रह पर प्रधानमंत्री ने रात्रिभोज रद्द कर दिया था।
प्रधानमंत्री कार्यालय के सूत्रों ने बताया कि अब तीनों बीजेपी नेताओं को गुरुवार को प्रधानमंत्री निवास पर रात्रिभोज पर आमंत्रित किया गया है। प्रधानमंत्री मंगलवार देर रात कंबोडिया यात्रा से लौटे हैं। वह बुधवार दोपहर को मीरा कुमार की सर्वदलीय बैठक में नहीं शामिल हो सके, क्योंकि वह काफी थके हुए थे। टिप्पणियां
सरकार ने अपने सहयोगियों और बाहर से समर्थन कर रही पार्टियों के साथ बातचीत कर पूरी कोशिश की है कि लोकसभा में उसके पास अपेक्षित बहुमत हो। मनमोहन सिंह हाल ही में डीएमके और एनसीपी जैसे सहयोगी दलों तथा बाहर से समर्थन दे रहे सपा और बसपा के प्रमुखों के साथ भी रात्रिभोज या दोपहर भोज कर चुके है।
तृणमूल कांग्रेस सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की धमकी दे रही है, हालांकि बीजेपी और वाम दलों के साथ ही अन्य विपक्षी दलों ने अभी इस बारे में कोई संकेत नहीं दिया है। इस बीच मल्टी-ब्रांड रिटेल में एफडीआई को लेकर सरकार को असहज स्थिति का सामना करना पड़ सकता है। इस मुद्दे पर लगभग समूचा विपक्ष मत विभाजन के प्रावधान वाले नियम के तहत चर्चा करना चाहता है, हालांकि सरकार इससे सहमत नहीं है।
प्रधानमंत्री कार्यालय के सूत्रों ने बताया कि अब तीनों बीजेपी नेताओं को गुरुवार को प्रधानमंत्री निवास पर रात्रिभोज पर आमंत्रित किया गया है। प्रधानमंत्री मंगलवार देर रात कंबोडिया यात्रा से लौटे हैं। वह बुधवार दोपहर को मीरा कुमार की सर्वदलीय बैठक में नहीं शामिल हो सके, क्योंकि वह काफी थके हुए थे। टिप्पणियां
सरकार ने अपने सहयोगियों और बाहर से समर्थन कर रही पार्टियों के साथ बातचीत कर पूरी कोशिश की है कि लोकसभा में उसके पास अपेक्षित बहुमत हो। मनमोहन सिंह हाल ही में डीएमके और एनसीपी जैसे सहयोगी दलों तथा बाहर से समर्थन दे रहे सपा और बसपा के प्रमुखों के साथ भी रात्रिभोज या दोपहर भोज कर चुके है।
तृणमूल कांग्रेस सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की धमकी दे रही है, हालांकि बीजेपी और वाम दलों के साथ ही अन्य विपक्षी दलों ने अभी इस बारे में कोई संकेत नहीं दिया है। इस बीच मल्टी-ब्रांड रिटेल में एफडीआई को लेकर सरकार को असहज स्थिति का सामना करना पड़ सकता है। इस मुद्दे पर लगभग समूचा विपक्ष मत विभाजन के प्रावधान वाले नियम के तहत चर्चा करना चाहता है, हालांकि सरकार इससे सहमत नहीं है।
सरकार ने अपने सहयोगियों और बाहर से समर्थन कर रही पार्टियों के साथ बातचीत कर पूरी कोशिश की है कि लोकसभा में उसके पास अपेक्षित बहुमत हो। मनमोहन सिंह हाल ही में डीएमके और एनसीपी जैसे सहयोगी दलों तथा बाहर से समर्थन दे रहे सपा और बसपा के प्रमुखों के साथ भी रात्रिभोज या दोपहर भोज कर चुके है।
तृणमूल कांग्रेस सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की धमकी दे रही है, हालांकि बीजेपी और वाम दलों के साथ ही अन्य विपक्षी दलों ने अभी इस बारे में कोई संकेत नहीं दिया है। इस बीच मल्टी-ब्रांड रिटेल में एफडीआई को लेकर सरकार को असहज स्थिति का सामना करना पड़ सकता है। इस मुद्दे पर लगभग समूचा विपक्ष मत विभाजन के प्रावधान वाले नियम के तहत चर्चा करना चाहता है, हालांकि सरकार इससे सहमत नहीं है।
तृणमूल कांग्रेस सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की धमकी दे रही है, हालांकि बीजेपी और वाम दलों के साथ ही अन्य विपक्षी दलों ने अभी इस बारे में कोई संकेत नहीं दिया है। इस बीच मल्टी-ब्रांड रिटेल में एफडीआई को लेकर सरकार को असहज स्थिति का सामना करना पड़ सकता है। इस मुद्दे पर लगभग समूचा विपक्ष मत विभाजन के प्रावधान वाले नियम के तहत चर्चा करना चाहता है, हालांकि सरकार इससे सहमत नहीं है। | संक्षिप्त पाठ: मनमोहन सिंह ने मुख्य विपक्षी दल बीजेपी के शीर्ष नेताओं को गुरुवार को रात्रिभोज पर आमंत्रित किया है, ताकि संसद के शीतकालीन सत्र की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाना सुनिश्चित हो सके। | 14 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: स्विट्जरलैंड के स्टार टेनिस खिलाड़ी रोजर फेडरर को विंबलडन के लिए निर्धारित ड्रेस कोड, पूर्णत: सफेद कपड़े, का उल्लंघन करते पाए जाने के बाद उन पर विंबलडन में अपने नारंगी तले वाले जूते पहनने पर पाबंदी लगा दी गई है।टिप्पणियां
सात बार के विंबलडन चैम्पियन फेडरर ने पहले दौर के मैच के दौरान ये जूते पहन रखे थे। विंबलडन के नियमों के अंतर्गत टूर्नामेंट में खेल के दौरान खिलाड़ियों को पूर्णत: सफेद कपड़े पहनने होंगे।
समाचार चैनल बीबीसी के अनुसार विंबलडन के अधिकारी ग्रैंड स्लैम प्रतियोगिता के पहले दो दिनों में अनेक खिलाड़ियों को इस बारे में टोक चुके हैं।
सात बार के विंबलडन चैम्पियन फेडरर ने पहले दौर के मैच के दौरान ये जूते पहन रखे थे। विंबलडन के नियमों के अंतर्गत टूर्नामेंट में खेल के दौरान खिलाड़ियों को पूर्णत: सफेद कपड़े पहनने होंगे।
समाचार चैनल बीबीसी के अनुसार विंबलडन के अधिकारी ग्रैंड स्लैम प्रतियोगिता के पहले दो दिनों में अनेक खिलाड़ियों को इस बारे में टोक चुके हैं।
समाचार चैनल बीबीसी के अनुसार विंबलडन के अधिकारी ग्रैंड स्लैम प्रतियोगिता के पहले दो दिनों में अनेक खिलाड़ियों को इस बारे में टोक चुके हैं। | सारांश: स्विट्जरलैंड के स्टार टेनिस खिलाड़ी रोजर फेडरर को विंबलडन के लिए निर्धारित ड्रेस कोड, पूर्णत: सफेद कपड़े, का उल्लंघन करते पाए जाने के बाद उन पर विंबलडन में अपने नारंगी तले वाले जूते पहनने पर पाबंदी लगा दी गई है। | 5 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: कांग्रेस की पूर्व सांसद प्रिया दत्त ने सोमवार को घोषणा की है कि वह 2019 लोकसभा चुनाव नहीं लड़ेंगी और अपने परिवार को ज्यादा समय देना चाहेंगी. एआईसीसी सचिव के तौर पर ‘पदमुक्त' किये जाने के कुछ महीने बाद प्रिया ने इस प्रकार अपने भविष्य के राजनीतिक कदम को लेकर अटकलों को विराम दिया. एक बयान में पूर्व सांसद ने कहा कि उन्होंने सक्रिय राजनीति से हटने का निर्णय कुछ महीने पहले कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के साथ साझा किया है. कांग्रेसी नेता ने कहा कि वह पार्टी तथा इसके उम्मीदवार के लिए काम करने को प्रतिबद्ध हैं लेकिन ‘‘वह अपनी अंतर्रात्मा के खिलाफ किसी को समर्थन नहीं करेंगी.'' वर्ष 2014 लोकसभा चुनावों में, प्रिया को भाजपा की पूनम महाजन ने मुंबई उत्तर मध्य सीट से हराया था.
प्रिया दत्त ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को ईमेल भेजकर कहा है कि वे चुनाव नहीं लड़ सकतीं. ऐसे में इस सीट से किसी नए उम्मीदवार को उतारने के लिए नाम पर विचार किया जा रहा है. बताया जा रहा है कि व्यक्तिगत तौर पर पार्टी के अंदर चल रही गुटबाजी के बाद प्रिया दत्त ने चुनाव लड़ने से इनकार किया है. प्रिया दत्त ने आज जारी अपने बयान में पार्टी सहयोगियों के साथ असहमति का उल्लेख किया है. "पार्टी के उन सभी लोगों से जिनके साथ मेरी असहमति है, मुझे आशा है कि वे समझेंगे कि यह कभी भी व्यक्तिगत नहीं था. मैंने केवल पार्टी, कार्यकर्ताओं और मेरे घटकों के लिए सबसे अच्छा प्रतिनिधित्व किया है."
प्रिया दत्त ने कहा, "मैं हमेशा अपने निर्वाचन क्षेत्र के लोगों के साथ ईमानदार रही हूं.' बता दें कि पूनम महाजन ने 2014 लोकसभा चुनाव में प्रिया दत्त को मुंबई उत्तर मध्य सीट पर 1.87 लाख वोटों के अंतर से चुनाव हराया था. | सारांश: प्रिया दत्त नहीं लड़ेंगी लोकसभा चुनाव
वह अपने परिवार को ज्यादा समय देना चाहती हैं
2014 में उन्हें पूनम महाजन ने दी थी मात | 5 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारत की दीपिका पाल्लीकल ऑस्ट्रेलियन ओपन स्क्वॉश टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में पहुंच गई हैं। दीपिका ने अंतिम-8 दौर के मुकाबले में शुक्रवार को अमेरिका की अमांडा शोबी को हराया।
वह इस टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय हैं। प्री-क्वार्टर फाइनल में गुरुवार को फ्रांस की कैमिली सर्मे को हराने वाली दीपिका ने अमांडा के खिलाफ नेशनल कम्वेंशन सेंटर कोर्ट पर शानदार खेल दिखाया और यह मैच 11-5, 11-7, 12-10 से जीता।टिप्पणियां
अपने पहले मैच में दीपिका ने आस्ट्रेलिया की क्रिस्टीन नन को 11-5, 11-2, 11-5 से हराया था। दीपिका ने जीत के बाद कहा, "बीते दिन मैंने धीमी शुरुआत की थी लेकिन आज मैंने अपने खेल पर विशेष ध्यान दिया। मैंने अमांडा को हराने के लिए खास रणनीति बनाई और अंत तक उस पर कायम रही।"
अगले दौर में दीपिका का सामना विश्व की चौथी वरीयता प्राप्त खिलाड़ी इंग्लैंड की लाउरा मासारो से होगा। दीपिका ने मई में एशियाई स्क्वॉश चैम्पियनशिप जीती थी और यह मुकाम पाने वाली वह पहली भारतीय बनी थीं।
वह इस टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय हैं। प्री-क्वार्टर फाइनल में गुरुवार को फ्रांस की कैमिली सर्मे को हराने वाली दीपिका ने अमांडा के खिलाफ नेशनल कम्वेंशन सेंटर कोर्ट पर शानदार खेल दिखाया और यह मैच 11-5, 11-7, 12-10 से जीता।टिप्पणियां
अपने पहले मैच में दीपिका ने आस्ट्रेलिया की क्रिस्टीन नन को 11-5, 11-2, 11-5 से हराया था। दीपिका ने जीत के बाद कहा, "बीते दिन मैंने धीमी शुरुआत की थी लेकिन आज मैंने अपने खेल पर विशेष ध्यान दिया। मैंने अमांडा को हराने के लिए खास रणनीति बनाई और अंत तक उस पर कायम रही।"
अगले दौर में दीपिका का सामना विश्व की चौथी वरीयता प्राप्त खिलाड़ी इंग्लैंड की लाउरा मासारो से होगा। दीपिका ने मई में एशियाई स्क्वॉश चैम्पियनशिप जीती थी और यह मुकाम पाने वाली वह पहली भारतीय बनी थीं।
अपने पहले मैच में दीपिका ने आस्ट्रेलिया की क्रिस्टीन नन को 11-5, 11-2, 11-5 से हराया था। दीपिका ने जीत के बाद कहा, "बीते दिन मैंने धीमी शुरुआत की थी लेकिन आज मैंने अपने खेल पर विशेष ध्यान दिया। मैंने अमांडा को हराने के लिए खास रणनीति बनाई और अंत तक उस पर कायम रही।"
अगले दौर में दीपिका का सामना विश्व की चौथी वरीयता प्राप्त खिलाड़ी इंग्लैंड की लाउरा मासारो से होगा। दीपिका ने मई में एशियाई स्क्वॉश चैम्पियनशिप जीती थी और यह मुकाम पाने वाली वह पहली भारतीय बनी थीं।
अगले दौर में दीपिका का सामना विश्व की चौथी वरीयता प्राप्त खिलाड़ी इंग्लैंड की लाउरा मासारो से होगा। दीपिका ने मई में एशियाई स्क्वॉश चैम्पियनशिप जीती थी और यह मुकाम पाने वाली वह पहली भारतीय बनी थीं। | यह एक सारांश है: भारत की दीपिका पाल्लीकल ऑस्ट्रेलियन ओपन स्क्वॉश टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में पहुंच गई हैं। दीपिका ने अंतिम-8 दौर के मुकाबले में शुक्रवार को अमेरिका की अमांडा शोबी को हराया। | 9 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: पिछले साल अक्टूबर के इन दिनों में राजधानी में 10683 डेंगू के मामले और 64 चिकनगुनिया के मामले सामने आए थे. इस साल डेंगू 2711 और चिकनगुनिया 6712 के आंकड़े पर पहुंच चुका है. लेकिन अब रिपोर्ट बता रही है कि आउटब्रेक चिकनगुनिया पर ब्रेक लग चुका है तो डेंगू के मामलों में भी ठहराव है.
चिकनगुनिया के मामलों मे अब कमी दिखने लगी है. मरीजों के आंकड़ों में बढ़ोतरी तो है पर पिछले हफ्ते के मुकाबले करीब 10 % की गिरावट आई है. नगर निगम के आंकड़े के मुताबिक चिकनगुनिया के मरीजों में 26 सितंबर से 3 अक्टूबर के बीच 30% की बढ़ोतरी हुई वहीं 3 से 10 अक्टूबर के दौरान यह घटकर 21% रही.
फिलहाल चिकनगुनिया के 6712 मामलों की पुष्टि हो चुकी है. इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के प्रेसिडेंट डॉ केके अग्रवाल ने बताया कि अब मामलों में गिरावट आएगी ही और दीवाली तक लोगों को इससे निजात मिल जाएगी.
इसी तरह डेंगू के मरीजों की संख्या भी अब घटती दिख रही है. 26 सितंबर से 3 अक्टूबर के बीच डेंगू के मामले 20.6% बढ़े तो वहीं 3 से 10 अक्टूबर के दौरान मामूली बढ़त यानी 21.1% रही. टिप्पणियां
दक्षिणी दिल्ली नगर निगम के एमएचओ डॉ बीके हजारिका ने कहा कि निगम की तरफ से एक्शन लेने में कोई कोताही नहीं बरती गई है. पिछले साल 29 करोड़ 60 लाख रुपये का खर्च आया था. इस बार भी 31 मार्च तक इतना ही खर्च होगा. इसमें दवाई, स्टाफ का वेतन, एड सब है, जो एंटी डेंगू एक्टिविटी में लगते हैं.
नगर निगम के मुताबिक राजधानी में अब तक डेंगू से चार और मलेरिया से छह लोगों की मौत हुई है. जबकि डेंगू से 28 संदिग्ध मौतें और 19 चिकनगुनिया पॉजिटिव मरीजों की संदिग्ध मौत पर अंतिम फैसला नौ सदस्यीय डेंगू डेथ रिव्यू कमेटी को करना है.
चिकनगुनिया के मामलों मे अब कमी दिखने लगी है. मरीजों के आंकड़ों में बढ़ोतरी तो है पर पिछले हफ्ते के मुकाबले करीब 10 % की गिरावट आई है. नगर निगम के आंकड़े के मुताबिक चिकनगुनिया के मरीजों में 26 सितंबर से 3 अक्टूबर के बीच 30% की बढ़ोतरी हुई वहीं 3 से 10 अक्टूबर के दौरान यह घटकर 21% रही.
फिलहाल चिकनगुनिया के 6712 मामलों की पुष्टि हो चुकी है. इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के प्रेसिडेंट डॉ केके अग्रवाल ने बताया कि अब मामलों में गिरावट आएगी ही और दीवाली तक लोगों को इससे निजात मिल जाएगी.
इसी तरह डेंगू के मरीजों की संख्या भी अब घटती दिख रही है. 26 सितंबर से 3 अक्टूबर के बीच डेंगू के मामले 20.6% बढ़े तो वहीं 3 से 10 अक्टूबर के दौरान मामूली बढ़त यानी 21.1% रही. टिप्पणियां
दक्षिणी दिल्ली नगर निगम के एमएचओ डॉ बीके हजारिका ने कहा कि निगम की तरफ से एक्शन लेने में कोई कोताही नहीं बरती गई है. पिछले साल 29 करोड़ 60 लाख रुपये का खर्च आया था. इस बार भी 31 मार्च तक इतना ही खर्च होगा. इसमें दवाई, स्टाफ का वेतन, एड सब है, जो एंटी डेंगू एक्टिविटी में लगते हैं.
नगर निगम के मुताबिक राजधानी में अब तक डेंगू से चार और मलेरिया से छह लोगों की मौत हुई है. जबकि डेंगू से 28 संदिग्ध मौतें और 19 चिकनगुनिया पॉजिटिव मरीजों की संदिग्ध मौत पर अंतिम फैसला नौ सदस्यीय डेंगू डेथ रिव्यू कमेटी को करना है.
फिलहाल चिकनगुनिया के 6712 मामलों की पुष्टि हो चुकी है. इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के प्रेसिडेंट डॉ केके अग्रवाल ने बताया कि अब मामलों में गिरावट आएगी ही और दीवाली तक लोगों को इससे निजात मिल जाएगी.
इसी तरह डेंगू के मरीजों की संख्या भी अब घटती दिख रही है. 26 सितंबर से 3 अक्टूबर के बीच डेंगू के मामले 20.6% बढ़े तो वहीं 3 से 10 अक्टूबर के दौरान मामूली बढ़त यानी 21.1% रही. टिप्पणियां
दक्षिणी दिल्ली नगर निगम के एमएचओ डॉ बीके हजारिका ने कहा कि निगम की तरफ से एक्शन लेने में कोई कोताही नहीं बरती गई है. पिछले साल 29 करोड़ 60 लाख रुपये का खर्च आया था. इस बार भी 31 मार्च तक इतना ही खर्च होगा. इसमें दवाई, स्टाफ का वेतन, एड सब है, जो एंटी डेंगू एक्टिविटी में लगते हैं.
नगर निगम के मुताबिक राजधानी में अब तक डेंगू से चार और मलेरिया से छह लोगों की मौत हुई है. जबकि डेंगू से 28 संदिग्ध मौतें और 19 चिकनगुनिया पॉजिटिव मरीजों की संदिग्ध मौत पर अंतिम फैसला नौ सदस्यीय डेंगू डेथ रिव्यू कमेटी को करना है.
इसी तरह डेंगू के मरीजों की संख्या भी अब घटती दिख रही है. 26 सितंबर से 3 अक्टूबर के बीच डेंगू के मामले 20.6% बढ़े तो वहीं 3 से 10 अक्टूबर के दौरान मामूली बढ़त यानी 21.1% रही. टिप्पणियां
दक्षिणी दिल्ली नगर निगम के एमएचओ डॉ बीके हजारिका ने कहा कि निगम की तरफ से एक्शन लेने में कोई कोताही नहीं बरती गई है. पिछले साल 29 करोड़ 60 लाख रुपये का खर्च आया था. इस बार भी 31 मार्च तक इतना ही खर्च होगा. इसमें दवाई, स्टाफ का वेतन, एड सब है, जो एंटी डेंगू एक्टिविटी में लगते हैं.
नगर निगम के मुताबिक राजधानी में अब तक डेंगू से चार और मलेरिया से छह लोगों की मौत हुई है. जबकि डेंगू से 28 संदिग्ध मौतें और 19 चिकनगुनिया पॉजिटिव मरीजों की संदिग्ध मौत पर अंतिम फैसला नौ सदस्यीय डेंगू डेथ रिव्यू कमेटी को करना है.
दक्षिणी दिल्ली नगर निगम के एमएचओ डॉ बीके हजारिका ने कहा कि निगम की तरफ से एक्शन लेने में कोई कोताही नहीं बरती गई है. पिछले साल 29 करोड़ 60 लाख रुपये का खर्च आया था. इस बार भी 31 मार्च तक इतना ही खर्च होगा. इसमें दवाई, स्टाफ का वेतन, एड सब है, जो एंटी डेंगू एक्टिविटी में लगते हैं.
नगर निगम के मुताबिक राजधानी में अब तक डेंगू से चार और मलेरिया से छह लोगों की मौत हुई है. जबकि डेंगू से 28 संदिग्ध मौतें और 19 चिकनगुनिया पॉजिटिव मरीजों की संदिग्ध मौत पर अंतिम फैसला नौ सदस्यीय डेंगू डेथ रिव्यू कमेटी को करना है.
नगर निगम के मुताबिक राजधानी में अब तक डेंगू से चार और मलेरिया से छह लोगों की मौत हुई है. जबकि डेंगू से 28 संदिग्ध मौतें और 19 चिकनगुनिया पॉजिटिव मरीजों की संदिग्ध मौत पर अंतिम फैसला नौ सदस्यीय डेंगू डेथ रिव्यू कमेटी को करना है. | संक्षिप्त सारांश: इस साल डेंगू 2711 और चिकनगुनिया 6712 के आंकड़े पर पहुंचा
पिछले हफ्ते के मुकाबले चिकनगुनिया के 10 % मरीज घटे
दीवाली तक लोगों को बीमारियों से निजात मिलने की आशा | 8 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: केरल के सबरीमला मंदिर में 10 से 50 साल की महिलाओं के प्रवेश का मामला संविधान पीठ के पास भेजा जाए या नहीं इस पर सुप्रीम कोर्ट फैसला लेगा। मामले की सुनवाई सात नवंबर को होगी।
केरल सरकार और मंदिर ट्रस्ट ने जस्टिस दीपक मिश्रा की बेंच में कहा कि ये मामला संविधान पीठ को सौंपा जाना चाहिए। इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि महिलाओं पर ये बैन कैसे लगाया जा सकता है जबकि महिला और पुरुष के बीच ऐसा कोई भेदभाव वेद, उपनिषद या किसी शास्त्र में नहीं है।टिप्पणियां
मामले की सुनवाई कर रही सुप्रीम कोर्ट की बेंच ने मंदिर बोर्ड और सरकार से पूछा है कि सबरीमाला मे महिलाओं का प्रवेश कब बंद हुआ? इसके पीछे क्या इतिहास है? कोर्ट इस मामले में ये देखना चाहता है कि समानता के अधिकार और धार्मिक स्वतंत्रता के होते हुए यह रोक कहां तक उचित है। कोर्ट दोनों अधिकारों के बीच संतुलन बनाना चाहता है।
सुप्रीम कोर्ट ने जवाब के लिए 6 हफ्ते का वक्त दिया था और वरिष्ठ वकील राजू रामचंद्रन और के रामामूर्ति को कोर्ट का सहायक नियुक्त किया था। हालांकि मंदिर बोर्ड ने कहा था कि ये प्रथा एक हजार साल से चल रही है। अब सुप्रीम कोर्ट इस मामले को क्यों उठा रहा है? सिर्फ सबरीमाला ही नहीं बल्कि पूरे सबरीमाला पर्वत पर महिलाओं का प्रवेश वर्जित है।
केरल सरकार और मंदिर ट्रस्ट ने जस्टिस दीपक मिश्रा की बेंच में कहा कि ये मामला संविधान पीठ को सौंपा जाना चाहिए। इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि महिलाओं पर ये बैन कैसे लगाया जा सकता है जबकि महिला और पुरुष के बीच ऐसा कोई भेदभाव वेद, उपनिषद या किसी शास्त्र में नहीं है।टिप्पणियां
मामले की सुनवाई कर रही सुप्रीम कोर्ट की बेंच ने मंदिर बोर्ड और सरकार से पूछा है कि सबरीमाला मे महिलाओं का प्रवेश कब बंद हुआ? इसके पीछे क्या इतिहास है? कोर्ट इस मामले में ये देखना चाहता है कि समानता के अधिकार और धार्मिक स्वतंत्रता के होते हुए यह रोक कहां तक उचित है। कोर्ट दोनों अधिकारों के बीच संतुलन बनाना चाहता है।
सुप्रीम कोर्ट ने जवाब के लिए 6 हफ्ते का वक्त दिया था और वरिष्ठ वकील राजू रामचंद्रन और के रामामूर्ति को कोर्ट का सहायक नियुक्त किया था। हालांकि मंदिर बोर्ड ने कहा था कि ये प्रथा एक हजार साल से चल रही है। अब सुप्रीम कोर्ट इस मामले को क्यों उठा रहा है? सिर्फ सबरीमाला ही नहीं बल्कि पूरे सबरीमाला पर्वत पर महिलाओं का प्रवेश वर्जित है।
मामले की सुनवाई कर रही सुप्रीम कोर्ट की बेंच ने मंदिर बोर्ड और सरकार से पूछा है कि सबरीमाला मे महिलाओं का प्रवेश कब बंद हुआ? इसके पीछे क्या इतिहास है? कोर्ट इस मामले में ये देखना चाहता है कि समानता के अधिकार और धार्मिक स्वतंत्रता के होते हुए यह रोक कहां तक उचित है। कोर्ट दोनों अधिकारों के बीच संतुलन बनाना चाहता है।
सुप्रीम कोर्ट ने जवाब के लिए 6 हफ्ते का वक्त दिया था और वरिष्ठ वकील राजू रामचंद्रन और के रामामूर्ति को कोर्ट का सहायक नियुक्त किया था। हालांकि मंदिर बोर्ड ने कहा था कि ये प्रथा एक हजार साल से चल रही है। अब सुप्रीम कोर्ट इस मामले को क्यों उठा रहा है? सिर्फ सबरीमाला ही नहीं बल्कि पूरे सबरीमाला पर्वत पर महिलाओं का प्रवेश वर्जित है।
सुप्रीम कोर्ट ने जवाब के लिए 6 हफ्ते का वक्त दिया था और वरिष्ठ वकील राजू रामचंद्रन और के रामामूर्ति को कोर्ट का सहायक नियुक्त किया था। हालांकि मंदिर बोर्ड ने कहा था कि ये प्रथा एक हजार साल से चल रही है। अब सुप्रीम कोर्ट इस मामले को क्यों उठा रहा है? सिर्फ सबरीमाला ही नहीं बल्कि पूरे सबरीमाला पर्वत पर महिलाओं का प्रवेश वर्जित है। | मंदिर में 10 से 50 साल तक की महिलाएं नहीं कर सकती हैं प्रवेश।
सुप्रीम कोर्ट कर रहा है मामले की सुनवाई।
सुप्रीम कोर्ट करेगा मामले को संविधान पीठ भेजने का फैसला। | 26 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: मौजूदा ट्वेंटी-20 विश्व चैम्पियन इंग्लैंड ने ऑल राउंड प्रदर्शन करते हुए एकमात्र ट्वेंटी-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में भारत को तीन गेंद रहते छह विकेट से मात दी। टॉस जीतकर बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम 19.4 ओवर में 165 रन पर सिमट गयी। मुंबई के सलामी बल्लेबाज अंजिक्या रहाणे के अर्धशतक ने यह स्कोर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा की लेकिन उनकी ताबड़तोड़ पारी बेकार हो गई। इंग्लैंड के जेड डर्नबाक ने 3.4 ओवर में 22 रन देकर चार और कप्तान स्टुअर्ट ब्राड ने दो विकेट चटकाए। बेहतरीन गेंदबाजी के बाद इस लक्ष्य के जवाब में इंग्लैंड की टीम ने 19.3 ओवर में चार विकेट के नुकसान पर 169 रन बनाकर जीत दर्ज की। इग्लैंड की शुरुआत हालांकि खराब रही, उसने बिना रन जोड़े सलामी बल्लेबाज एलेक्स हेल्स का विकेट गंवा दिया । जिसके बाद भारतीय टीम ने सातवें ओवर तक इंग्लैंड के 61 रन पर तीन विकेट झटक लिए थे लेकिन मेजबान टीम को इसका फायदा नहीं मिला। इंग्लैंड ने 11.2 ओवर में 100 रन पूरे किये । उसकी तरफ से इयोन मोर्गन ने सर्वाधिक 49, केविन पीटरसन ने 33, रवि बोपारा ने नाबाद 31, समित पटेल ने नाबाद 25 और क्रेग किस्वेटर ने 18 रन का योगदान किया। मोर्गन और बोपारा ने चौथे विकेट के लिए सर्वाधिक 73, किस्वेटर और पीटरसन ने दूसरे विकेट के लिए 58 तथा समित पटेल और बोपारा ने पांचवें विकेट के लिए नाबाद 35 रन की भागीदारी निभाई। भारत की ओर से मुनाफ पटेल ने दो जबकि प्रवीण कुमार और विराट कोहली ने एक एक विकेट प्राप्त किया। इंग्लैंड के खिलाफ चार मैचों की टेस्ट श्रृंखला 0.4 से गंवाने वाली भारतीय टीम ने वनडे श्रृंखला से पहले हुए तीन अभ्यास मैचों में जीत दर्ज कर थोड़ी उम्मीद बंधाई थी लेकिन एकमात्र टी-20 मैच में भी उन्हें निराशा ही हाथ लगी। ट्वेंटी-20 से अपना अंतरराष्ट्रीय आगाज कर रहे रहाणे ने 29 गेंद में अपना अर्धशतक पूरा किया। वीरेंद्र सहवाग की जगह भारतीय टीम में शामिल हुए रहाणे ने 39 गेंद में 61 रन की शानदार पारी में आठ चौके जमाए। इंग्लैंड की टिम ब्रेसनन, जेड डर्नबाक और कप्तान स्टुअर्ट ब्राड की तेज गेंदबाजी तिकड़ी ने शॉर्ट पिच गेंदों से हालांकि इस युवा बल्लेबाज पर दबाव बनाने की पूरी कोशिश की लेकिन उनके सारे प्रयास विफल रहे। टेस्ट श्रृंखला में निराशाजनक प्रदर्शन करने वाले सुरेश रैना ने 19 गेंद में दो चौके और तीन छक्के की मदद से 33 रन बनाकर सबको आकर्षित किया। सलामी बल्लेबाज पार्थिव पटेल (10) और रहाणे ने पहले विकेट के लिए 39 रन जोड़कर बड़े स्कोर की उम्मीद बंधाई लेकिन पटेल पांचवें ओवर में 12 गेंद खेलने के बाद डर्नबाक का शिकार बने। भारतीय टीम के सीनियर बल्लेबाज राहुल द्रविड़ (21 गेंद में तीन छक्के की मदद से 31 रन) ने आज ट्वेंटी-20 क्रिकेट में अपना आगाज किया जो उनका अंतिम टी-20 मैच भी होगा। द्रविड़ और रहाणे ने मिलकर दूसरे विकेट के लिए 42 गेंद में 65 रन की साझेदारी निभाई जो भारतीय पारी की सबसे बड़ी भागीदारी भी रही। द्रविड़ ने बाएं हाथ के स्पिनर समित पटेल की गेंदों पर लगातार तीन छक्के जड़कर सभी को हैरान कर दिया लेकिन वह 12वें ओवर में कामचलाऊ गेंदबाज रवि बोपारा की गेंद पर एक्सट्रा कवर में कैच देकर आउट हुए। भारतीय टीम हालांकि ने तब तक 100 रन का आंकड़ा पार कर लिया था। द्रविड़ के पवेलियन लौटने के बाद ब्राड ने लगातार गेंदों पर रहाणे और विराट कोहली (04) के विकेट हासिल किए। रहाणे ने शार्ट गेंद को उठा दिया जो थर्ड मैन पर खड़े डर्नबाक के हाथों में समां गयी जबकि कोहली का कैच विकेटकीपर क्रेग किस्वेटर ने लिया। रोहित शर्मा (01: ग्रीम स्वान की गेंद पर स्टंप आउट हुए जिससे टीम का स्कोर 14 ओवर में पांच विकेट पर 117 रन हो गया। रैना ने इसके बाद इंग्लैंड के तेज गेंदबाजों के खिलाफ आक्रामक रुख अख्तियार करते हुए ब्राड की लगातार गेंदों पर छक्का और चौका जमाया। इसके बाद उन्होंने ब्रेसनन के ओवर में आनसाइड पर लगातार दो छक्के जड़े। भारत ने अंत में तीन रन के अंदर चार विकेट गंवा दिए जिससे टीम 19.4 ओवर में ही सिमट गई। कप्तान महेंद्र सिंह आठ और आर अश्विन चार रन बनाकर आउट हुए। 162 रन पर अश्विन और रैना का विकेट गिरा। तीन रन जोड़ने के बाद प्रवीण कुमार और मुनाफ पटेल के पवेलियन लौटने से भारतीय पारी का अंत हुआ। | मैनचेस्टर में खेला गया सीरीज का इकलौता टी−20 मैच टीम इंडिया छह विकेट से हार गई। इसमें अजिंक्या रहाने ने सबसे ज्यादा 61 रन बनाए। | 1 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: आर्थिक सुस्ती और महंगाई का असर विभिन्न गतिविधियों पर दिखने लगा है। वर्ष 2013 के पहले छह महीनों में केवल तीन शॉपिंग मॉल ही चालू हो पाए हैं और देश के बाकी आठ शहरों में 13 मॉल पर काम आगे के लिए टाल दिया गया। मकान, दुकान क्षेत्र के सलाहकार कुशमन एंड वेकफील्ड ने सोमवार को यह जानकारी दी।टिप्पणियां
सलाहकार के अनुसार बिल्डर सतर्कता बरत रहे हैं या फिर वह धन की तंगी से जूझ रहे हैं। कुशमन एंड वेकफील्ड की यहां जारी विज्ञप्ति के अनुसार, ‘‘वर्ष 2013 की पहली छमाही में प्रमुख आठ शहरों में तीन मॉल में कुल 29 लाख 40 हजार वर्गफुट स्थान की ही आपूर्ति हो पाई जबकि कुल तैयार स्थान का 64 प्रतिशत यानी 13 मॉल पर काम आगे के लिये टाल दिया गया।’’ राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में पांच मॉल पर काम शुरू नहीं हो पाया। पुणे, हैदराबाद, चेन्नई प्रत्येक में दो और कोलकाता तथा बेंगलूर प्रत्येक में एक मॉल पर काम स्थगित रखा गया।
ज्यादातर शहरों में अच्छे और गुणवत्ता परक खुदरा कारोबार स्थल की मांग है। यह मांग शॉपिंग मॉल और मुख्य बाजार दोनों जगहों पर है।
सलाहकार के अनुसार बिल्डर सतर्कता बरत रहे हैं या फिर वह धन की तंगी से जूझ रहे हैं। कुशमन एंड वेकफील्ड की यहां जारी विज्ञप्ति के अनुसार, ‘‘वर्ष 2013 की पहली छमाही में प्रमुख आठ शहरों में तीन मॉल में कुल 29 लाख 40 हजार वर्गफुट स्थान की ही आपूर्ति हो पाई जबकि कुल तैयार स्थान का 64 प्रतिशत यानी 13 मॉल पर काम आगे के लिये टाल दिया गया।’’ राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में पांच मॉल पर काम शुरू नहीं हो पाया। पुणे, हैदराबाद, चेन्नई प्रत्येक में दो और कोलकाता तथा बेंगलूर प्रत्येक में एक मॉल पर काम स्थगित रखा गया।
ज्यादातर शहरों में अच्छे और गुणवत्ता परक खुदरा कारोबार स्थल की मांग है। यह मांग शॉपिंग मॉल और मुख्य बाजार दोनों जगहों पर है।
ज्यादातर शहरों में अच्छे और गुणवत्ता परक खुदरा कारोबार स्थल की मांग है। यह मांग शॉपिंग मॉल और मुख्य बाजार दोनों जगहों पर है। | संक्षिप्त सारांश: आर्थिक सुस्ती और महंगाई का असर विभिन्न गतिविधियों पर दिखने लगा है। वर्ष 2013 के पहले छह महीनों में केवल तीन शॉपिंग मॉल ही चालू हो पाए हैं और देश के बाकी आठ शहरों में 13 मॉल पर काम आगे के लिए टाल दिया गया। मकान, दुकान क्षेत्र के सलाहकार कुशमन एंड वेकफील्ड | 29 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: स्टार बल्लेबाज विराट कोहली ने कहा कि वेस्ट इंडीज दौरे के दौरान कप्तान महेंद्र सिंह धोनी से सीखे गुर जिम्बाब्वे में युवा भारतीय टीम की अगुवाई करते हुए उनके लिए फायदेमंद साबित हुए।
भारत ने जिम्बाब्वे में एक-दिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों की शृंखला में 5-0 से क्लीनस्वीप किया। वेस्ट इंडीज में त्रिकोणीय एक-दिवसीय शृंखला के पहले मैच में धोनी के चोटिल होने के बाद कोहली ने तीन मैचों में भारतीय टीम की अगुवाई की थी।टिप्पणियां
कोहली की कप्तान में धोनी के प्रभाव के बारे में पूछने पर इस स्टार बल्लेबाज ने कहा, वह (धोनी) ऐसे व्यक्ति हैं, जो काफी कुछ नहीं बोलते। लेकिन मैं विभिन्न हालात और इस दौरान मैं क्या कर सकता हूं, इस बारे में उनसे बात करता रहता हूं। मैं साथ ही पूछता हूं कि कप्तानी करते हुए दबाव के हालात में खुद को शांत कैसे रखूं।
कोहली ने कहा, वेस्ट इंडीज में जब वह नहीं खेल रहे थे और मैं टीम की कप्तानी कर रहा था, तो उनसे बात करने से काफी मदद मिली। उन्होंने मुझे जो भी टिप्स दिए, उससे काफी मदद मिली। भारत ने जिम्बाब्वे को 5-0 से हराकर विदेशी सरजमीं पर पहली बार क्लीनस्वीप किया।
भारत ने जिम्बाब्वे में एक-दिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों की शृंखला में 5-0 से क्लीनस्वीप किया। वेस्ट इंडीज में त्रिकोणीय एक-दिवसीय शृंखला के पहले मैच में धोनी के चोटिल होने के बाद कोहली ने तीन मैचों में भारतीय टीम की अगुवाई की थी।टिप्पणियां
कोहली की कप्तान में धोनी के प्रभाव के बारे में पूछने पर इस स्टार बल्लेबाज ने कहा, वह (धोनी) ऐसे व्यक्ति हैं, जो काफी कुछ नहीं बोलते। लेकिन मैं विभिन्न हालात और इस दौरान मैं क्या कर सकता हूं, इस बारे में उनसे बात करता रहता हूं। मैं साथ ही पूछता हूं कि कप्तानी करते हुए दबाव के हालात में खुद को शांत कैसे रखूं।
कोहली ने कहा, वेस्ट इंडीज में जब वह नहीं खेल रहे थे और मैं टीम की कप्तानी कर रहा था, तो उनसे बात करने से काफी मदद मिली। उन्होंने मुझे जो भी टिप्स दिए, उससे काफी मदद मिली। भारत ने जिम्बाब्वे को 5-0 से हराकर विदेशी सरजमीं पर पहली बार क्लीनस्वीप किया।
कोहली की कप्तान में धोनी के प्रभाव के बारे में पूछने पर इस स्टार बल्लेबाज ने कहा, वह (धोनी) ऐसे व्यक्ति हैं, जो काफी कुछ नहीं बोलते। लेकिन मैं विभिन्न हालात और इस दौरान मैं क्या कर सकता हूं, इस बारे में उनसे बात करता रहता हूं। मैं साथ ही पूछता हूं कि कप्तानी करते हुए दबाव के हालात में खुद को शांत कैसे रखूं।
कोहली ने कहा, वेस्ट इंडीज में जब वह नहीं खेल रहे थे और मैं टीम की कप्तानी कर रहा था, तो उनसे बात करने से काफी मदद मिली। उन्होंने मुझे जो भी टिप्स दिए, उससे काफी मदद मिली। भारत ने जिम्बाब्वे को 5-0 से हराकर विदेशी सरजमीं पर पहली बार क्लीनस्वीप किया।
कोहली ने कहा, वेस्ट इंडीज में जब वह नहीं खेल रहे थे और मैं टीम की कप्तानी कर रहा था, तो उनसे बात करने से काफी मदद मिली। उन्होंने मुझे जो भी टिप्स दिए, उससे काफी मदद मिली। भारत ने जिम्बाब्वे को 5-0 से हराकर विदेशी सरजमीं पर पहली बार क्लीनस्वीप किया। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: स्टार बल्लेबाज विराट कोहली ने कहा कि वेस्ट इंडीज दौरे के दौरान कप्तान महेंद्र सिंह धोनी से सीखे गुर जिम्बाब्वे में युवा भारतीय टीम की अगुवाई करते हुए उनके लिए फायदेमंद साबित हुए। | 3 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: महिला सशक्तिकरण पर हमेशा जोर देने वाले बॉलीवुड के ‘बादशाह’ शाहरुख खान की चाहत है कि फिल्म शुरू होने से पहले दिखाई जाने वाली नामों की सूची में अभिनेत्रियों का नाम पहले दिखाया जाए।टिप्पणियां
शाहरुख ने संवाददाताओं से कहा, मैं सभी फिल्म निर्माताओं से दरख्वास्त करूंगा कि नामों की सूची में अभिनेत्रियों को पहले दिखाया जाए। हम अपनी फिल्म ‘चेन्नई एक्सप्रेस’ से इसकी शुरुआत करेंगे। इसमें दीपिका पादुकोण का नाम पहले दिखाया जाएगा, जिसकी वजह से दीपिका काफी उत्साहित भी हैं। उन्होंने कहा, मैं और लोगों से भी ऐसा करने की अपील करूंगा। मुझे पता है कि इससे कोई बहुत बड़ा बदलाव नहीं आएगा पर लोगों की सोच में जरूर परिवर्तन होगा। शाहरुख का यह भी मानना है कि पुरस्कार समारोह में सर्वश्रेष्ठ अभिनेता को ही सराहा जाता है।
उन्होंने कहा, पुरस्कार समारोहों में भी सर्वश्रेष्ठ अभिनेता के पुरस्कार को ही सबसे आखिर में दिया जाता है। हम सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री को आखिर में क्यों नहीं पुरस्कार दे सकते। मुझे मालूम है कि इससे कुछ बदलेगा नहीं पर कुछ बातें सामने आएंगी।
शाहरुख ने संवाददाताओं से कहा, मैं सभी फिल्म निर्माताओं से दरख्वास्त करूंगा कि नामों की सूची में अभिनेत्रियों को पहले दिखाया जाए। हम अपनी फिल्म ‘चेन्नई एक्सप्रेस’ से इसकी शुरुआत करेंगे। इसमें दीपिका पादुकोण का नाम पहले दिखाया जाएगा, जिसकी वजह से दीपिका काफी उत्साहित भी हैं। उन्होंने कहा, मैं और लोगों से भी ऐसा करने की अपील करूंगा। मुझे पता है कि इससे कोई बहुत बड़ा बदलाव नहीं आएगा पर लोगों की सोच में जरूर परिवर्तन होगा। शाहरुख का यह भी मानना है कि पुरस्कार समारोह में सर्वश्रेष्ठ अभिनेता को ही सराहा जाता है।
उन्होंने कहा, पुरस्कार समारोहों में भी सर्वश्रेष्ठ अभिनेता के पुरस्कार को ही सबसे आखिर में दिया जाता है। हम सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री को आखिर में क्यों नहीं पुरस्कार दे सकते। मुझे मालूम है कि इससे कुछ बदलेगा नहीं पर कुछ बातें सामने आएंगी।
उन्होंने कहा, पुरस्कार समारोहों में भी सर्वश्रेष्ठ अभिनेता के पुरस्कार को ही सबसे आखिर में दिया जाता है। हम सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री को आखिर में क्यों नहीं पुरस्कार दे सकते। मुझे मालूम है कि इससे कुछ बदलेगा नहीं पर कुछ बातें सामने आएंगी। | यहाँ एक सारांश है:महिला सशक्तिकरण पर हमेशा जोर देने वाले बॉलीवुड के ‘बादशाह’ शाहरुख खान की चाहत है कि फिल्म शुरू होने से पहले दिखाई जाने वाली नामों की सूची में अभिनेत्रियों का नाम पहले दिखाया जाए। | 4 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: बता दें कि दौरे पर राहुल गांधी, गुलाम नबी आजाद, केसी वेणुगोपाल, आनंद शर्मा, सीपीएम के सीताराम येचुरी, डीएमके के तिरुचि सिवा, टीएमसी के दिनेश त्रिवेदी, सीपीआई के डी राजा, एनसीपी के मजीद मेनन, आरजेडी के मनोज झा, जेडीएस के कुपेंद्र रेड्डी और शरद यादव गए थे.
दिल्ली वापस लौटने पर राहुल गांधी ने कहा था कि राज्य प्रशासन के इस कदम ने साबित कर दिया कि जम्मू-कश्मीर में कानून-व्यवस्था की स्थिति सामान्य नहीं है. राहुल गांधी ने दावा किया था कि उन्हें राज्यपाल सत्यपाल मलिक द्वारा राज्य का दौरा करने के लिए आमंत्रित किया गया था कि केंद्र के फैसले के बाद जम्मू-कश्मीर में पाबंदी के बावजूद भी घाटी में सबकुछ सामान्य है.'' उन्होंने कहा था कि कुछ दिन पहले, मुझे जम्मू-कश्मीर की यात्रा के लिए राज्यपाल ने आमंत्रित किया था. इसलिए मैंने उनका आमंत्रण स्वीकार किया. राज्यपाल ने सुझाव दिया था कि सब कुछ सामान्य है और वह मुझे राज्य का दौरा करने के लिए एक विमान भेजेंगे. मैंने उनसे कहा था कि मुझे आपके विमान की आवश्यकता नहीं है लेकिन मैं आपका निमंत्रण स्वीकार करूंगा और मैं जम्मू-कश्मीर आ जाऊंगा.
उधर, कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी (Priyanka Gandhi) ने जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने को लेकर मोदी सरकार पर हमला बोला है. उन्होंने रविवार को कहा कि इससे ज्यादा राजनीतिक और एंटी-नेशनल क्या हो सकता है कि आप राष्ट्रवाद के नाम पर कश्मीर के लोगों की आवाज को दबा रहे हैं. आप (मोदी सरकार) जम्मू-कश्मीर पर खुद राजनीति कर रहे हैं लेकिन इसका आरोप विपक्ष पर लगा रहे हैं. | संक्षिप्त पाठ: शिवसेना सांसद संजय राउत का राहुल पर हमला
'राहुल गांधी मजे के लिए जाते तो मैं करवा देता पूरी व्यवस्था'
राहुल गांधी को श्रीनगर एयरपोर्ट से ही भेजा गया था वापस | 22 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: लश्कर के आतंकी अब्दुल करीम टुंडा के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने एक और बड़े आतंकवादी यासीन भटकल को गिरफ्तार कर लिया। यासीन इंडियन मुजाहिदीन का संस्थापक सदस्य है और पुलिस तथा सुरक्षा एजेंसियों को अर्से से उसकी तलाश थी।
30 साल के यासीन भटकल को बिहार−नेपाल सीमा पर रक्सौल बॉर्डर से बीती रात गिरफ्तार किया गया। यासीन भटकल के साथ एक और आतंकी असदुल्लाह अख्तर उर्फ हड्डी को भी गिरफ्तार किया गया। यासीन भटकल नेशनल इनवेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) की मोस्ट वॉन्टेड लिस्ट में शामिल है और अलग-अलग मामलों में उस पर कुल 50 लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
2008 के दिल्ली धमाकों में यासीन भटकल का नाम पहली बार सामने आया। इसके बाद 2010 के चिन्नास्वामी धमाकों और 2012 के पुणे धमाकों में भी उसका नाम उभरा। भटकल पर अपने तीन साथियों के साथ मिलकर 13 जुलाई, 2011 को मुंबई के ओपेरा हाउस, जावेरी बजार और दादर पश्चिम में हुए तीन सिलसिलेवार बम धमाके अंजाम देने का भी आरोप है, जिसमें 27 लोगों की मौत हुई और 130 लोग घायल हो गए थे।टिप्पणियां
यह आतंकी अहमदाबाद, सूरत, बेंगलुरु, दिल्ली और हैदराबाद में हुए विभिन्न आतंकी हमलों में भी वांछित था। 19 सितंबर, 2010 में जामा मस्जिद शूटआउट में भी यासीन वॉन्टेड है। इसी साल हैदराबाद में हुए बम धमाकों में भी यासीन भटकल आरोपी है। इन धमाकों में 16 लोग मारे गए थे और 80 घायल हुए थे।
यासीन भटकल इंडियन मुजाहिदीन के संस्थापक रियाज भटकल और इकबाल भटकल का छोटा भाई है। यासीन भटकल को बम बनाने का एक्सपर्ट बताया जाता है, खासतौर पर मोटरसाइकिल बम बनाने में उसे माहिर माना जाता है। 12 राज्यों की पुलिस को यासीन भटकल की तलाश थी।
30 साल के यासीन भटकल को बिहार−नेपाल सीमा पर रक्सौल बॉर्डर से बीती रात गिरफ्तार किया गया। यासीन भटकल के साथ एक और आतंकी असदुल्लाह अख्तर उर्फ हड्डी को भी गिरफ्तार किया गया। यासीन भटकल नेशनल इनवेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) की मोस्ट वॉन्टेड लिस्ट में शामिल है और अलग-अलग मामलों में उस पर कुल 50 लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
2008 के दिल्ली धमाकों में यासीन भटकल का नाम पहली बार सामने आया। इसके बाद 2010 के चिन्नास्वामी धमाकों और 2012 के पुणे धमाकों में भी उसका नाम उभरा। भटकल पर अपने तीन साथियों के साथ मिलकर 13 जुलाई, 2011 को मुंबई के ओपेरा हाउस, जावेरी बजार और दादर पश्चिम में हुए तीन सिलसिलेवार बम धमाके अंजाम देने का भी आरोप है, जिसमें 27 लोगों की मौत हुई और 130 लोग घायल हो गए थे।टिप्पणियां
यह आतंकी अहमदाबाद, सूरत, बेंगलुरु, दिल्ली और हैदराबाद में हुए विभिन्न आतंकी हमलों में भी वांछित था। 19 सितंबर, 2010 में जामा मस्जिद शूटआउट में भी यासीन वॉन्टेड है। इसी साल हैदराबाद में हुए बम धमाकों में भी यासीन भटकल आरोपी है। इन धमाकों में 16 लोग मारे गए थे और 80 घायल हुए थे।
यासीन भटकल इंडियन मुजाहिदीन के संस्थापक रियाज भटकल और इकबाल भटकल का छोटा भाई है। यासीन भटकल को बम बनाने का एक्सपर्ट बताया जाता है, खासतौर पर मोटरसाइकिल बम बनाने में उसे माहिर माना जाता है। 12 राज्यों की पुलिस को यासीन भटकल की तलाश थी।
2008 के दिल्ली धमाकों में यासीन भटकल का नाम पहली बार सामने आया। इसके बाद 2010 के चिन्नास्वामी धमाकों और 2012 के पुणे धमाकों में भी उसका नाम उभरा। भटकल पर अपने तीन साथियों के साथ मिलकर 13 जुलाई, 2011 को मुंबई के ओपेरा हाउस, जावेरी बजार और दादर पश्चिम में हुए तीन सिलसिलेवार बम धमाके अंजाम देने का भी आरोप है, जिसमें 27 लोगों की मौत हुई और 130 लोग घायल हो गए थे।टिप्पणियां
यह आतंकी अहमदाबाद, सूरत, बेंगलुरु, दिल्ली और हैदराबाद में हुए विभिन्न आतंकी हमलों में भी वांछित था। 19 सितंबर, 2010 में जामा मस्जिद शूटआउट में भी यासीन वॉन्टेड है। इसी साल हैदराबाद में हुए बम धमाकों में भी यासीन भटकल आरोपी है। इन धमाकों में 16 लोग मारे गए थे और 80 घायल हुए थे।
यासीन भटकल इंडियन मुजाहिदीन के संस्थापक रियाज भटकल और इकबाल भटकल का छोटा भाई है। यासीन भटकल को बम बनाने का एक्सपर्ट बताया जाता है, खासतौर पर मोटरसाइकिल बम बनाने में उसे माहिर माना जाता है। 12 राज्यों की पुलिस को यासीन भटकल की तलाश थी।
यह आतंकी अहमदाबाद, सूरत, बेंगलुरु, दिल्ली और हैदराबाद में हुए विभिन्न आतंकी हमलों में भी वांछित था। 19 सितंबर, 2010 में जामा मस्जिद शूटआउट में भी यासीन वॉन्टेड है। इसी साल हैदराबाद में हुए बम धमाकों में भी यासीन भटकल आरोपी है। इन धमाकों में 16 लोग मारे गए थे और 80 घायल हुए थे।
यासीन भटकल इंडियन मुजाहिदीन के संस्थापक रियाज भटकल और इकबाल भटकल का छोटा भाई है। यासीन भटकल को बम बनाने का एक्सपर्ट बताया जाता है, खासतौर पर मोटरसाइकिल बम बनाने में उसे माहिर माना जाता है। 12 राज्यों की पुलिस को यासीन भटकल की तलाश थी।
यासीन भटकल इंडियन मुजाहिदीन के संस्थापक रियाज भटकल और इकबाल भटकल का छोटा भाई है। यासीन भटकल को बम बनाने का एक्सपर्ट बताया जाता है, खासतौर पर मोटरसाइकिल बम बनाने में उसे माहिर माना जाता है। 12 राज्यों की पुलिस को यासीन भटकल की तलाश थी। | यहाँ एक सारांश है:यासीन भटकल नेशनल इनवेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) की मोस्ट वॉन्टेड लिस्ट में शामिल है और अलग-अलग मामलों में उस पर कुल 50 लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया था। | 18 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: एयर इंडिया अपने विस्तार कार्यक्रम के तहत बोइंग 787 ड्रीमलाइनर विमान के अधिग्रहण के लिये आगे कदम बढ़ाएगी और इसके लिये सरकार से मंजूरी मांगेगी। ऐसा समझा जाता है कि एयर इंडिया के निदेशक मंडल की आज हुई बैठक में इस आशय का निर्णय किया गया। यह निर्णय ऐसे समय किया गया है जब नागर विमानन मंत्री व्यालार रवि ने बयान में कहा है कि वित्तीय संकट से जूझ रही एयरलाइन के पास बड़े पैमाने पर अधिग्रहण के लिये पर्याप्त धन नहीं है। सूत्रों के अनुसार एयरलाइन ने 27 बोइंब 787 का आर्डर दिया है और बोइंग के कारखाने के इस अत्याधुनिक विमान की भारत को डिलीवरी इस वर्ष के अंत तक शुरू होने की उम्मीद है। वित्त मंत्री प्रणव मुखर्जी की अध्यक्षता वाला मंत्रियों के समूह द्वारा इस संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने की संभावना है। मंत्री समूह एयर इंडिया की वित्तीय स्थिति में सुधार योजना की समीक्षा कर रहा है। एयरलाइन के प्रवक्ता ने बताया कि बैठक में निदेशक मंडल ने एयरलाइन की नकदी स्थिति तथा सरकार की तरफ से पैसा डाले जाने की समीक्षा की गयी। एयर इंडिया को 2011-12 में अब तक सरकार से शेयर पूंजी के रूप में 1,200 करोड़ रुपये मिले हैं। | यहाँ एक सारांश है:एयर इंडिया अपने विस्तार कार्यक्रम के तहत बोइंग 787 ड्रीमलाइनर विमान के अधिग्रहण के लिये आगे कदम बढ़ाएगी और इसके लिए सरकार से मंजूरी मांगेगी। | 4 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: सचिन तेंदुलकर ने युवा खिलाड़ियों को सलाह दी कि ओलिंपिक कांस्य पदक विजेता बैडमिंटन खिलाड़ी साइना नेहवाल की तरह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सफलता हासिल करने के लिए उन्हें घंटो अभ्यास करना चाहिए।
तेंदुलकर ने साइना का उदाहरण दिया और कहा कि इस बैडमिंटन खिलाड़ी ने कड़ी मेहनत और लगातार अभ्यास की वजह से इतनी ऊंचाई हासिल की है। उन्होंने कहा, युवा खिलाड़ियों को ओलिंपिक कांस्य पदक विजेता (साइना) से सीख लेनी चाहिए तथा सफलता हासिल करने के लिए अपने खेल पर ध्यान बनाए रखना चाहिए। इस महान क्रिकेटर ने पिछले महीने साइना को ओलिंपिक में सफलता हासिल करने के लिए बीएमडब्ल्यू कार उपहार में दी थी।टिप्पणियां
तेंदुलकर से इस बातचीत का आयोजन अमित इंटरप्राइजेज नामक फर्म ने किया था। इसका संचालन क्रिकेट पत्रकार सुनंदन लेले कर रहे थे। तेंदुलकर इस फर्म के ब्रांड एम्बैसेडर हैं। तेंदुलकर बहुत सहज लग रहे थे और उन्होंने श्रोताओं के कई सवालों के जवाब दिए। जब उनसे राहुल द्रविड़ और वीवीएस लक्ष्मण के संन्यास के बारे में पूछा गया, उन्होंने कहा कि उन दोनों की अपनी खास शैली थी और वह महान खिलाड़ी थे।
एक अन्य सवाल में उन्होंने कहा कि विश्वकप जीतने का उनका सपना पूरा हो गया है और उन्होंने युवा खिलाड़ियों को अपने सपनों के पीछे भागने की सलाह दी। तेंदुलकर ने कहा कि वह मुंबई से केवल 200 किमी दूर नासिक में लगभग तीन दशक बाद आए हैं। उन्होंने कहा, जब मैं सात या आठ साल का था, तब अपने माता-पिता के साथ त्रयम्बकेश्वर (नासिक के पास स्थित पवित्र नगरी) आया था। इसके बाद मैं 1983-84 में क्रिकेट टूर्नामेंट के लिए यहां आया था।
तेंदुलकर ने साइना का उदाहरण दिया और कहा कि इस बैडमिंटन खिलाड़ी ने कड़ी मेहनत और लगातार अभ्यास की वजह से इतनी ऊंचाई हासिल की है। उन्होंने कहा, युवा खिलाड़ियों को ओलिंपिक कांस्य पदक विजेता (साइना) से सीख लेनी चाहिए तथा सफलता हासिल करने के लिए अपने खेल पर ध्यान बनाए रखना चाहिए। इस महान क्रिकेटर ने पिछले महीने साइना को ओलिंपिक में सफलता हासिल करने के लिए बीएमडब्ल्यू कार उपहार में दी थी।टिप्पणियां
तेंदुलकर से इस बातचीत का आयोजन अमित इंटरप्राइजेज नामक फर्म ने किया था। इसका संचालन क्रिकेट पत्रकार सुनंदन लेले कर रहे थे। तेंदुलकर इस फर्म के ब्रांड एम्बैसेडर हैं। तेंदुलकर बहुत सहज लग रहे थे और उन्होंने श्रोताओं के कई सवालों के जवाब दिए। जब उनसे राहुल द्रविड़ और वीवीएस लक्ष्मण के संन्यास के बारे में पूछा गया, उन्होंने कहा कि उन दोनों की अपनी खास शैली थी और वह महान खिलाड़ी थे।
एक अन्य सवाल में उन्होंने कहा कि विश्वकप जीतने का उनका सपना पूरा हो गया है और उन्होंने युवा खिलाड़ियों को अपने सपनों के पीछे भागने की सलाह दी। तेंदुलकर ने कहा कि वह मुंबई से केवल 200 किमी दूर नासिक में लगभग तीन दशक बाद आए हैं। उन्होंने कहा, जब मैं सात या आठ साल का था, तब अपने माता-पिता के साथ त्रयम्बकेश्वर (नासिक के पास स्थित पवित्र नगरी) आया था। इसके बाद मैं 1983-84 में क्रिकेट टूर्नामेंट के लिए यहां आया था।
तेंदुलकर से इस बातचीत का आयोजन अमित इंटरप्राइजेज नामक फर्म ने किया था। इसका संचालन क्रिकेट पत्रकार सुनंदन लेले कर रहे थे। तेंदुलकर इस फर्म के ब्रांड एम्बैसेडर हैं। तेंदुलकर बहुत सहज लग रहे थे और उन्होंने श्रोताओं के कई सवालों के जवाब दिए। जब उनसे राहुल द्रविड़ और वीवीएस लक्ष्मण के संन्यास के बारे में पूछा गया, उन्होंने कहा कि उन दोनों की अपनी खास शैली थी और वह महान खिलाड़ी थे।
एक अन्य सवाल में उन्होंने कहा कि विश्वकप जीतने का उनका सपना पूरा हो गया है और उन्होंने युवा खिलाड़ियों को अपने सपनों के पीछे भागने की सलाह दी। तेंदुलकर ने कहा कि वह मुंबई से केवल 200 किमी दूर नासिक में लगभग तीन दशक बाद आए हैं। उन्होंने कहा, जब मैं सात या आठ साल का था, तब अपने माता-पिता के साथ त्रयम्बकेश्वर (नासिक के पास स्थित पवित्र नगरी) आया था। इसके बाद मैं 1983-84 में क्रिकेट टूर्नामेंट के लिए यहां आया था।
एक अन्य सवाल में उन्होंने कहा कि विश्वकप जीतने का उनका सपना पूरा हो गया है और उन्होंने युवा खिलाड़ियों को अपने सपनों के पीछे भागने की सलाह दी। तेंदुलकर ने कहा कि वह मुंबई से केवल 200 किमी दूर नासिक में लगभग तीन दशक बाद आए हैं। उन्होंने कहा, जब मैं सात या आठ साल का था, तब अपने माता-पिता के साथ त्रयम्बकेश्वर (नासिक के पास स्थित पवित्र नगरी) आया था। इसके बाद मैं 1983-84 में क्रिकेट टूर्नामेंट के लिए यहां आया था। | यह एक सारांश है: सचिन तेंदुलकर ने युवा खिलाड़ियों को सलाह दी कि बैडमिंटन खिलाड़ी साइना नेहवाल की तरह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सफलता हासिल करने के लिए उन्हें घंटो अभ्यास करना होगा। | 21 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: राष्ट्रपति प्रतिभा पाटील ने यहां शुक्रवार को 58वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार प्रदान किए। विज्ञान भवन में आयोजित एक समारोह में राष्ट्रपति ने फिल्म निर्माता के. बालाचंद्र को वर्ष 2010 के लिए दादा साहेब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित किया। सूचना एवं प्रसारण मंत्री अम्बिका सोनी की अध्यक्षता में हुए इस समारोह में इस बार चार बाल कलाकारों को विभिन्न फिल्मों के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार प्रदान किया गया। ये बाल कलाकार हैं दक्षिणपुरी, दिल्ली के हर्ष मायर (फिल्म 'आई एम कलाम'), धरावी, मुम्बई के शांतनु रांगणेकर और मछेन्द्र गाडेकर (फिल्म 'चैंपियन्स), विवेक चाबुकस्वर (फिल्म 'बाबू बैंडबाजा')। सर्वश्रेष्ठ अभिनेता पुरस्कार तमिल फिल्म 'आदुकलाम' के लिए के. धनुष, मलयालम फिल्म 'अदामिन्ते माकन आबु' के लिए सलीम कुमार, मराठी फिल्म 'बाबू बैंड बाजा' के लिए मिताली जगताप वरदकर, तमिल फिल्म 'थेनमेरूकु पारूवक्कात्रु' के लिए सारन्या पोनवान्नन को दिया गया। इन सभी को 50 हजार रुपये नकद के साथ रजत कमल प्रदान किया गया। सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म पुरस्कार 'अदामिन्ते माकन आबु' (मलयालम) के निर्माता सलीम अहमद और अशरफ बेदी को दिया गया। स्वर्ण कमल के साथ प्रत्येक को 2.50 लाख रुपये प्रदान किए गए। इंदिरा गांधी पुरस्कार फिल्म 'बाबू बैंड बाजा' (मराठी) के लिए निर्देशक राजेश पिनजानी और निर्माता नीता जाधव को दिया गया। उन्हें स्वर्ण कमल के साथ 1.25 लाख रुपये प्रदान किए गए। सर्वश्रेष्ठ लोकप्रिय फिल्म का पुरस्कार 'दबंग' (हिंदी) के निर्माता अरबाज खान, मलाइका अरोड़ा और ढिलिन मेहता तथा निर्देशक अभिनव सिंह कश्यप को दिया गया। राष्ट्रीय एकता पर सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म के लिए नरिगस दत्त पुरस्कार फिल्म 'मोनेर' को दिया गया। यह फिल्म भारत-बांग्लादेश की संयुक्त प्रस्तुति है। इसके निर्माता हबीबुर रहमान (बांग्लादेश) हैं। सर्वश्रेष्ठ हिंदी फिल्म का पुरस्कार फिल्म 'दो दुनी चार' के लिए निर्माता-अरिन्दम चौधुरी और निर्देशक हबीब फैसल को दिया गया। फिल्म 'इश्किया' को चार पुरस्कार मिले हैं। सर्वश्रेष्ठ संगीत निर्देशन पुरस्कार विशाल भारद्वाज को और सर्वश्रेष्ठ पार्श्व गायिका पुरस्कार रेखा भारद्वाज को गीत 'ससुराल गेंदा फूल' के लिए दिया गया। उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय पुरस्कार भारतीय सिनेमा के विकास में उल्लखनीय योगदान देने के लिए भारत सरकार द्वारा दिया जाता है। पुरस्कार विजेता का चयन प्रसिद्ध व्यक्तियों की समिति करती है। | संक्षिप्त सारांश: दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित समारोह में राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल ने फ़िल्म 'दबंग' को सर्वश्रेष्ठ मनोरंजक फ़िल्म का राष्ट्रीय पुरस्कार दिया। | 23 | ['hin'] |
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