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दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: आंध्र प्रदेश उच्च न्यायालय से राहत मिलने के बाद भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान मोहम्मद अजहरूद्दीन ने कहा कि वह राहत महसूस कर रहे हैं।
आंध्र प्रदेश उच्च न्यायालय ने अजहरूद्दीन पर भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) की ओर से लगाया गया आजीवन प्रतिबंध हटा दिया। बीसीसीआई ने 12 वर्ष पहले मैच फिक्सिंग के दोषी पाए जाने पर अजहरूद्दीन पर आजीवन प्रतिबंध लगा दिया था।
उच्च न्यायालय का आदेश आने के बाद अजहरूद्दीन ने अपने घर पर अयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, "मैं राहत महसूस कर रहा हूं। मैंने लम्बे समय से धर्यपूर्वक इस लड़ाई को लड़ी है। यह आसान नहीं था। मैं उन सब लोगों का शुक्रगुजार हूं जिन्होंने मुश्किल समय में मेरा साथ दिया।"
मैच फिक्सिंग का दोषी पाए जाने के बाद बीसीसीआई ने पांच दिसम्बर, 2000 को अजहरूद्दीन के क्रिकेट खेलने पर आजीवन प्रतिबंध लगा दिया था।
हैदराबाद के अजहरूद्दीन ने बीसीसीआई के इस फैसले को स्थानीय अदालत में चुनौती दी थी लेकिन अदालत ने प्रतिबंध बरकरार रखा। इसके बाद अजहरूद्दीन ने निचली अदालत के फैसले को उच्च न्यायालय में चुनौती दी थी।टिप्पणियां
उच्च न्यायालय का यह फैसला अजहरूद्दीन के लिए राहत भरा है क्योंकि वह हमेशा से कहते आए हैं कि बीसीसीआई की ओर से लगाया गया प्रतिबंध गलत और एकपक्षीय कार्रवाई है।
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद से सांसद अजहरूद्दीन भारत के सबसे सफलतम टेस्ट कप्तानों में से एक हैं। उन्होंने 99 टेस्ट मैचों में 6,215 रन बनाए हैं। इसके अलावा 334 एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों में अजहरूद्दीन के नाम 9,378 रन दर्ज हैं।
आंध्र प्रदेश उच्च न्यायालय ने अजहरूद्दीन पर भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) की ओर से लगाया गया आजीवन प्रतिबंध हटा दिया। बीसीसीआई ने 12 वर्ष पहले मैच फिक्सिंग के दोषी पाए जाने पर अजहरूद्दीन पर आजीवन प्रतिबंध लगा दिया था।
उच्च न्यायालय का आदेश आने के बाद अजहरूद्दीन ने अपने घर पर अयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, "मैं राहत महसूस कर रहा हूं। मैंने लम्बे समय से धर्यपूर्वक इस लड़ाई को लड़ी है। यह आसान नहीं था। मैं उन सब लोगों का शुक्रगुजार हूं जिन्होंने मुश्किल समय में मेरा साथ दिया।"
मैच फिक्सिंग का दोषी पाए जाने के बाद बीसीसीआई ने पांच दिसम्बर, 2000 को अजहरूद्दीन के क्रिकेट खेलने पर आजीवन प्रतिबंध लगा दिया था।
हैदराबाद के अजहरूद्दीन ने बीसीसीआई के इस फैसले को स्थानीय अदालत में चुनौती दी थी लेकिन अदालत ने प्रतिबंध बरकरार रखा। इसके बाद अजहरूद्दीन ने निचली अदालत के फैसले को उच्च न्यायालय में चुनौती दी थी।टिप्पणियां
उच्च न्यायालय का यह फैसला अजहरूद्दीन के लिए राहत भरा है क्योंकि वह हमेशा से कहते आए हैं कि बीसीसीआई की ओर से लगाया गया प्रतिबंध गलत और एकपक्षीय कार्रवाई है।
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद से सांसद अजहरूद्दीन भारत के सबसे सफलतम टेस्ट कप्तानों में से एक हैं। उन्होंने 99 टेस्ट मैचों में 6,215 रन बनाए हैं। इसके अलावा 334 एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों में अजहरूद्दीन के नाम 9,378 रन दर्ज हैं।
उच्च न्यायालय का आदेश आने के बाद अजहरूद्दीन ने अपने घर पर अयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, "मैं राहत महसूस कर रहा हूं। मैंने लम्बे समय से धर्यपूर्वक इस लड़ाई को लड़ी है। यह आसान नहीं था। मैं उन सब लोगों का शुक्रगुजार हूं जिन्होंने मुश्किल समय में मेरा साथ दिया।"
मैच फिक्सिंग का दोषी पाए जाने के बाद बीसीसीआई ने पांच दिसम्बर, 2000 को अजहरूद्दीन के क्रिकेट खेलने पर आजीवन प्रतिबंध लगा दिया था।
हैदराबाद के अजहरूद्दीन ने बीसीसीआई के इस फैसले को स्थानीय अदालत में चुनौती दी थी लेकिन अदालत ने प्रतिबंध बरकरार रखा। इसके बाद अजहरूद्दीन ने निचली अदालत के फैसले को उच्च न्यायालय में चुनौती दी थी।टिप्पणियां
उच्च न्यायालय का यह फैसला अजहरूद्दीन के लिए राहत भरा है क्योंकि वह हमेशा से कहते आए हैं कि बीसीसीआई की ओर से लगाया गया प्रतिबंध गलत और एकपक्षीय कार्रवाई है।
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद से सांसद अजहरूद्दीन भारत के सबसे सफलतम टेस्ट कप्तानों में से एक हैं। उन्होंने 99 टेस्ट मैचों में 6,215 रन बनाए हैं। इसके अलावा 334 एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों में अजहरूद्दीन के नाम 9,378 रन दर्ज हैं।
मैच फिक्सिंग का दोषी पाए जाने के बाद बीसीसीआई ने पांच दिसम्बर, 2000 को अजहरूद्दीन के क्रिकेट खेलने पर आजीवन प्रतिबंध लगा दिया था।
हैदराबाद के अजहरूद्दीन ने बीसीसीआई के इस फैसले को स्थानीय अदालत में चुनौती दी थी लेकिन अदालत ने प्रतिबंध बरकरार रखा। इसके बाद अजहरूद्दीन ने निचली अदालत के फैसले को उच्च न्यायालय में चुनौती दी थी।टिप्पणियां
उच्च न्यायालय का यह फैसला अजहरूद्दीन के लिए राहत भरा है क्योंकि वह हमेशा से कहते आए हैं कि बीसीसीआई की ओर से लगाया गया प्रतिबंध गलत और एकपक्षीय कार्रवाई है।
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद से सांसद अजहरूद्दीन भारत के सबसे सफलतम टेस्ट कप्तानों में से एक हैं। उन्होंने 99 टेस्ट मैचों में 6,215 रन बनाए हैं। इसके अलावा 334 एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों में अजहरूद्दीन के नाम 9,378 रन दर्ज हैं।
हैदराबाद के अजहरूद्दीन ने बीसीसीआई के इस फैसले को स्थानीय अदालत में चुनौती दी थी लेकिन अदालत ने प्रतिबंध बरकरार रखा। इसके बाद अजहरूद्दीन ने निचली अदालत के फैसले को उच्च न्यायालय में चुनौती दी थी।टिप्पणियां
उच्च न्यायालय का यह फैसला अजहरूद्दीन के लिए राहत भरा है क्योंकि वह हमेशा से कहते आए हैं कि बीसीसीआई की ओर से लगाया गया प्रतिबंध गलत और एकपक्षीय कार्रवाई है।
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद से सांसद अजहरूद्दीन भारत के सबसे सफलतम टेस्ट कप्तानों में से एक हैं। उन्होंने 99 टेस्ट मैचों में 6,215 रन बनाए हैं। इसके अलावा 334 एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों में अजहरूद्दीन के नाम 9,378 रन दर्ज हैं।
उच्च न्यायालय का यह फैसला अजहरूद्दीन के लिए राहत भरा है क्योंकि वह हमेशा से कहते आए हैं कि बीसीसीआई की ओर से लगाया गया प्रतिबंध गलत और एकपक्षीय कार्रवाई है।
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद से सांसद अजहरूद्दीन भारत के सबसे सफलतम टेस्ट कप्तानों में से एक हैं। उन्होंने 99 टेस्ट मैचों में 6,215 रन बनाए हैं। इसके अलावा 334 एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों में अजहरूद्दीन के नाम 9,378 रन दर्ज हैं।
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद से सांसद अजहरूद्दीन भारत के सबसे सफलतम टेस्ट कप्तानों में से एक हैं। उन्होंने 99 टेस्ट मैचों में 6,215 रन बनाए हैं। इसके अलावा 334 एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों में अजहरूद्दीन के नाम 9,378 रन दर्ज हैं। | यह एक सारांश है: आंध्र प्रदेश उच्च न्यायालय से राहत मिलने के बाद भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान मोहम्मद अजहरूद्दीन ने कहा कि वह राहत महसूस कर रहे हैं। | 9 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: सीनियर बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर के रविवार को ब्रिसबेन में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ त्रिकोणीय एकदिवसीय क्रिकेट श्रृंखला के मैच के दौरान तेज गेंदबाज ब्रेट ली की गेंद सिर में लगने के बाद आज ऐहतियात के तौर पर एमआर स्कैन कराने की उम्मीद है।
ली के दूसरे ओवर की गेंद को तेंदुलकर समझ नहीं पाए जो उनके हैलमेट की ग्रिल से टकराकर मिड आन पर गई जहां जेवियर डोहर्टी ने ‘कैच’ पकड़ लिया।
ऑस्ट्रेलिया ने आउट की अपील की लेकिन अंपायर स्टीव डेविस ने तेंदुलकर को नॉट आउट करार दिया।
हैलमेट पर टकराई इस गेंद का कुछ असर तेंदुलकर के माथे पर दायी आंख के ऊपर भी पड़ा।
तेंदुलकर ने अपनी पारी जारी रखी लेकिन वह अपनी अगली ही गेंद पर बेन हिलफेंहास की गेंद पर आउट हो गए।टिप्पणियां
आउट होने के बाद तेंदुलकर को ड्रेसिंग रूम में सूजन पर बर्फ का उपचार दिया गया और उनमें असहजता के कोई लक्षण नहीं दिख रहे लेकिन इसके बावजूद उन्हें ऐहतियात के तौर पर एमआरआई स्कैन कराने की सलाह दी गई है।
तेंदुलकर को इससे पहले भारतीय गेंदबाजी दौरान भी चोट लगी थी जब वह स्लिप में क्षेत्ररक्षण कर रहे थे। तब 25वें ओवर में गेंद पीटर फोरेस्ट के बल्ले का किनारा लेकर उनके पैर में लगी थी और उन्हें मैदान से बाहर जाना पड़ा था।
ली के दूसरे ओवर की गेंद को तेंदुलकर समझ नहीं पाए जो उनके हैलमेट की ग्रिल से टकराकर मिड आन पर गई जहां जेवियर डोहर्टी ने ‘कैच’ पकड़ लिया।
ऑस्ट्रेलिया ने आउट की अपील की लेकिन अंपायर स्टीव डेविस ने तेंदुलकर को नॉट आउट करार दिया।
हैलमेट पर टकराई इस गेंद का कुछ असर तेंदुलकर के माथे पर दायी आंख के ऊपर भी पड़ा।
तेंदुलकर ने अपनी पारी जारी रखी लेकिन वह अपनी अगली ही गेंद पर बेन हिलफेंहास की गेंद पर आउट हो गए।टिप्पणियां
आउट होने के बाद तेंदुलकर को ड्रेसिंग रूम में सूजन पर बर्फ का उपचार दिया गया और उनमें असहजता के कोई लक्षण नहीं दिख रहे लेकिन इसके बावजूद उन्हें ऐहतियात के तौर पर एमआरआई स्कैन कराने की सलाह दी गई है।
तेंदुलकर को इससे पहले भारतीय गेंदबाजी दौरान भी चोट लगी थी जब वह स्लिप में क्षेत्ररक्षण कर रहे थे। तब 25वें ओवर में गेंद पीटर फोरेस्ट के बल्ले का किनारा लेकर उनके पैर में लगी थी और उन्हें मैदान से बाहर जाना पड़ा था।
ऑस्ट्रेलिया ने आउट की अपील की लेकिन अंपायर स्टीव डेविस ने तेंदुलकर को नॉट आउट करार दिया।
हैलमेट पर टकराई इस गेंद का कुछ असर तेंदुलकर के माथे पर दायी आंख के ऊपर भी पड़ा।
तेंदुलकर ने अपनी पारी जारी रखी लेकिन वह अपनी अगली ही गेंद पर बेन हिलफेंहास की गेंद पर आउट हो गए।टिप्पणियां
आउट होने के बाद तेंदुलकर को ड्रेसिंग रूम में सूजन पर बर्फ का उपचार दिया गया और उनमें असहजता के कोई लक्षण नहीं दिख रहे लेकिन इसके बावजूद उन्हें ऐहतियात के तौर पर एमआरआई स्कैन कराने की सलाह दी गई है।
तेंदुलकर को इससे पहले भारतीय गेंदबाजी दौरान भी चोट लगी थी जब वह स्लिप में क्षेत्ररक्षण कर रहे थे। तब 25वें ओवर में गेंद पीटर फोरेस्ट के बल्ले का किनारा लेकर उनके पैर में लगी थी और उन्हें मैदान से बाहर जाना पड़ा था।
हैलमेट पर टकराई इस गेंद का कुछ असर तेंदुलकर के माथे पर दायी आंख के ऊपर भी पड़ा।
तेंदुलकर ने अपनी पारी जारी रखी लेकिन वह अपनी अगली ही गेंद पर बेन हिलफेंहास की गेंद पर आउट हो गए।टिप्पणियां
आउट होने के बाद तेंदुलकर को ड्रेसिंग रूम में सूजन पर बर्फ का उपचार दिया गया और उनमें असहजता के कोई लक्षण नहीं दिख रहे लेकिन इसके बावजूद उन्हें ऐहतियात के तौर पर एमआरआई स्कैन कराने की सलाह दी गई है।
तेंदुलकर को इससे पहले भारतीय गेंदबाजी दौरान भी चोट लगी थी जब वह स्लिप में क्षेत्ररक्षण कर रहे थे। तब 25वें ओवर में गेंद पीटर फोरेस्ट के बल्ले का किनारा लेकर उनके पैर में लगी थी और उन्हें मैदान से बाहर जाना पड़ा था।
तेंदुलकर ने अपनी पारी जारी रखी लेकिन वह अपनी अगली ही गेंद पर बेन हिलफेंहास की गेंद पर आउट हो गए।टिप्पणियां
आउट होने के बाद तेंदुलकर को ड्रेसिंग रूम में सूजन पर बर्फ का उपचार दिया गया और उनमें असहजता के कोई लक्षण नहीं दिख रहे लेकिन इसके बावजूद उन्हें ऐहतियात के तौर पर एमआरआई स्कैन कराने की सलाह दी गई है।
तेंदुलकर को इससे पहले भारतीय गेंदबाजी दौरान भी चोट लगी थी जब वह स्लिप में क्षेत्ररक्षण कर रहे थे। तब 25वें ओवर में गेंद पीटर फोरेस्ट के बल्ले का किनारा लेकर उनके पैर में लगी थी और उन्हें मैदान से बाहर जाना पड़ा था।
आउट होने के बाद तेंदुलकर को ड्रेसिंग रूम में सूजन पर बर्फ का उपचार दिया गया और उनमें असहजता के कोई लक्षण नहीं दिख रहे लेकिन इसके बावजूद उन्हें ऐहतियात के तौर पर एमआरआई स्कैन कराने की सलाह दी गई है।
तेंदुलकर को इससे पहले भारतीय गेंदबाजी दौरान भी चोट लगी थी जब वह स्लिप में क्षेत्ररक्षण कर रहे थे। तब 25वें ओवर में गेंद पीटर फोरेस्ट के बल्ले का किनारा लेकर उनके पैर में लगी थी और उन्हें मैदान से बाहर जाना पड़ा था।
तेंदुलकर को इससे पहले भारतीय गेंदबाजी दौरान भी चोट लगी थी जब वह स्लिप में क्षेत्ररक्षण कर रहे थे। तब 25वें ओवर में गेंद पीटर फोरेस्ट के बल्ले का किनारा लेकर उनके पैर में लगी थी और उन्हें मैदान से बाहर जाना पड़ा था। | संक्षिप्त पाठ: ली के दूसरे ओवर की गेंद को तेंदुलकर समझ नहीं पाए जो उनके हैलमेट की ग्रिल से टकराकर मिड आन पर गई जहां जेवियर डोहर्टी ने ‘कैच’ पकड़ लिया। | 13 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: एक उद्योग संगठन के अनुसार आयात पर प्रतिबंध तथा आभूषण एसोसिएशनों द्वारा सिक्के व छड़ों की बिक्री रोक देने के कारण जून महीने में सोने का आयात लगभग 24 प्रतिशत घटकर 38 टन रहने का अनुमान है।
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार जून 2012 में सोने का आयात लगभग 50 टन रहा था।
उल्लेखनीय है कि देश के बढ़ते चालू खाते के घाटे (कैड) में सोने के भारी आयात को बड़ा कारण माना जा रहा है। इसके मद्देनजर सरकार ने सोने पर आयात शुल्क को सालभर में तीन बार बढ़ाकर दो से आठ प्रतिशत कर दिया है। इसके साथ ही भारतीय रिजर्व बैंक ने भी बैंकों द्वारा सोने के आयात पर कई तरह के अंकुश लगाए हैं।
इस बीच अखिल भारतीय रत्न एवं आभूषण कारोबार संघ (जीजेएफ) ने सोने के आयात पर नियंत्रण में मदद के लिए कदम उठाए हैं। इसके तहत उसने अपने सदस्यों से छड़ों तथा सिक्कों की बिक्री रोकने को कहा है।टिप्पणियां
जीजेएफ के चेयरमैन हरीश सोनी ने कहा, हमने अपने सदस्यों तथा सम्बद्ध सदस्यों से कहा है कि वे सोने का आयात घटाने में सरकार की मदद करें तथा छड़ें व सिक्के नहीं बेचें। हमें सदस्यों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है। उन्होंने कहा कि इससे सोने का आयात घटेगा।
जीजेएफ ने वित्त मंत्रालय को एक ज्ञापन भी सौंपा है जिसमें उसने आभूषण उद्योग को प्रभावित किए बिना सोने के आयात पर काबू पाने के उपाय सुझाए हैं।
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार जून 2012 में सोने का आयात लगभग 50 टन रहा था।
उल्लेखनीय है कि देश के बढ़ते चालू खाते के घाटे (कैड) में सोने के भारी आयात को बड़ा कारण माना जा रहा है। इसके मद्देनजर सरकार ने सोने पर आयात शुल्क को सालभर में तीन बार बढ़ाकर दो से आठ प्रतिशत कर दिया है। इसके साथ ही भारतीय रिजर्व बैंक ने भी बैंकों द्वारा सोने के आयात पर कई तरह के अंकुश लगाए हैं।
इस बीच अखिल भारतीय रत्न एवं आभूषण कारोबार संघ (जीजेएफ) ने सोने के आयात पर नियंत्रण में मदद के लिए कदम उठाए हैं। इसके तहत उसने अपने सदस्यों से छड़ों तथा सिक्कों की बिक्री रोकने को कहा है।टिप्पणियां
जीजेएफ के चेयरमैन हरीश सोनी ने कहा, हमने अपने सदस्यों तथा सम्बद्ध सदस्यों से कहा है कि वे सोने का आयात घटाने में सरकार की मदद करें तथा छड़ें व सिक्के नहीं बेचें। हमें सदस्यों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है। उन्होंने कहा कि इससे सोने का आयात घटेगा।
जीजेएफ ने वित्त मंत्रालय को एक ज्ञापन भी सौंपा है जिसमें उसने आभूषण उद्योग को प्रभावित किए बिना सोने के आयात पर काबू पाने के उपाय सुझाए हैं।
उल्लेखनीय है कि देश के बढ़ते चालू खाते के घाटे (कैड) में सोने के भारी आयात को बड़ा कारण माना जा रहा है। इसके मद्देनजर सरकार ने सोने पर आयात शुल्क को सालभर में तीन बार बढ़ाकर दो से आठ प्रतिशत कर दिया है। इसके साथ ही भारतीय रिजर्व बैंक ने भी बैंकों द्वारा सोने के आयात पर कई तरह के अंकुश लगाए हैं।
इस बीच अखिल भारतीय रत्न एवं आभूषण कारोबार संघ (जीजेएफ) ने सोने के आयात पर नियंत्रण में मदद के लिए कदम उठाए हैं। इसके तहत उसने अपने सदस्यों से छड़ों तथा सिक्कों की बिक्री रोकने को कहा है।टिप्पणियां
जीजेएफ के चेयरमैन हरीश सोनी ने कहा, हमने अपने सदस्यों तथा सम्बद्ध सदस्यों से कहा है कि वे सोने का आयात घटाने में सरकार की मदद करें तथा छड़ें व सिक्के नहीं बेचें। हमें सदस्यों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है। उन्होंने कहा कि इससे सोने का आयात घटेगा।
जीजेएफ ने वित्त मंत्रालय को एक ज्ञापन भी सौंपा है जिसमें उसने आभूषण उद्योग को प्रभावित किए बिना सोने के आयात पर काबू पाने के उपाय सुझाए हैं।
इस बीच अखिल भारतीय रत्न एवं आभूषण कारोबार संघ (जीजेएफ) ने सोने के आयात पर नियंत्रण में मदद के लिए कदम उठाए हैं। इसके तहत उसने अपने सदस्यों से छड़ों तथा सिक्कों की बिक्री रोकने को कहा है।टिप्पणियां
जीजेएफ के चेयरमैन हरीश सोनी ने कहा, हमने अपने सदस्यों तथा सम्बद्ध सदस्यों से कहा है कि वे सोने का आयात घटाने में सरकार की मदद करें तथा छड़ें व सिक्के नहीं बेचें। हमें सदस्यों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है। उन्होंने कहा कि इससे सोने का आयात घटेगा।
जीजेएफ ने वित्त मंत्रालय को एक ज्ञापन भी सौंपा है जिसमें उसने आभूषण उद्योग को प्रभावित किए बिना सोने के आयात पर काबू पाने के उपाय सुझाए हैं।
जीजेएफ के चेयरमैन हरीश सोनी ने कहा, हमने अपने सदस्यों तथा सम्बद्ध सदस्यों से कहा है कि वे सोने का आयात घटाने में सरकार की मदद करें तथा छड़ें व सिक्के नहीं बेचें। हमें सदस्यों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है। उन्होंने कहा कि इससे सोने का आयात घटेगा।
जीजेएफ ने वित्त मंत्रालय को एक ज्ञापन भी सौंपा है जिसमें उसने आभूषण उद्योग को प्रभावित किए बिना सोने के आयात पर काबू पाने के उपाय सुझाए हैं।
जीजेएफ ने वित्त मंत्रालय को एक ज्ञापन भी सौंपा है जिसमें उसने आभूषण उद्योग को प्रभावित किए बिना सोने के आयात पर काबू पाने के उपाय सुझाए हैं। | यहाँ एक सारांश है:एक उद्योग संगठन के अनुसार आयात पर प्रतिबंध तथा आभूषण एसोसिएशनों द्वारा सिक्के व छड़ों की बिक्री रोक देने के कारण जून महीने में सोने का आयात लगभग 24 प्रतिशत घटकर 38 टन रहने का अनुमान है। | 12 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार एक और यात्रा करेंगे. इस बार उनकी ' निश्चय यात्रा ' होगी. दरअसल नीतीश ने जब से जनता दरबार बंद किया है तब से जनता से रूबरू होने के लिए वे एक यात्रा का वादा कर रहे थे. नीतीश ने शुक्रवार को आखिरकार पटना में इस यात्रा का ऐलान कर दिया. इस यात्रा के तहत वे एक बार फिर जिला मुख्यालयों का दौरा करेंगे.
नीतीश यात्रा के दौरान हर जगह सात निश्चय से सम्बंधित प्रगति की समीक्षा करेंगे और जनता की शिकायतों के निपटारे का प्रयास करेंगे. इस पूरे कार्यक्रम की चर्चा करते हुए नीतीश ने कहा कि जिलो में सात निश्चय से सम्बंधित कॉल सेंटर बने हैं. वहां जाकर भी उनका निरीक्षण उनकी इस यात्रा के एजेंडे में शामिल है.टिप्पणियां
नीतीश कुमार वर्ष 2005 में मुख्यमंत्री पद के दावेदार बने थे. तब उन्होंने सबसे पहले न्याय यात्रा से शुरुआत की थी. मुख्यमंत्री बनने के बाद वे विकास यात्रा, धन्यवाद यात्रा, प्रवास यात्रा, सेवा यात्रा, संकल्प यात्रा के तहत राज्य के लोगों की शिकायतें सुन चुके हैं. हर यात्रा में नीतीश की कोशिश होती है कि राज्य के ज्यादा से ज्यादा लोगों की समस्याओं से रूबरू हो सकें.
नीतीश ने कहा कि पटना में उनका मन नहीं लगता. उन्होंने माना कि केवल योजना बना लेने से कुछ नहीं होता जब तक जमीन पर जाकर उसकी समीक्षा न की जाए तब तक कोई भी कार्यक्रम सफल नहीं हो सकता. हालांकि जब नीतीश कुमार मुख्यमंत्री नहीं थे तब पार्टी के लिए निकाली गई एक यात्रा में अनुबंधित शिक्षकों ने जमकर विरोध किया था. इस कारण मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्होंने प्राथमिकता से शिक्षकों के वेतन बढ़ाए. जानकारों का मानना है कि महागठबंधन को इसका लाभ भी मिला.
नीतीश यात्रा के दौरान हर जगह सात निश्चय से सम्बंधित प्रगति की समीक्षा करेंगे और जनता की शिकायतों के निपटारे का प्रयास करेंगे. इस पूरे कार्यक्रम की चर्चा करते हुए नीतीश ने कहा कि जिलो में सात निश्चय से सम्बंधित कॉल सेंटर बने हैं. वहां जाकर भी उनका निरीक्षण उनकी इस यात्रा के एजेंडे में शामिल है.टिप्पणियां
नीतीश कुमार वर्ष 2005 में मुख्यमंत्री पद के दावेदार बने थे. तब उन्होंने सबसे पहले न्याय यात्रा से शुरुआत की थी. मुख्यमंत्री बनने के बाद वे विकास यात्रा, धन्यवाद यात्रा, प्रवास यात्रा, सेवा यात्रा, संकल्प यात्रा के तहत राज्य के लोगों की शिकायतें सुन चुके हैं. हर यात्रा में नीतीश की कोशिश होती है कि राज्य के ज्यादा से ज्यादा लोगों की समस्याओं से रूबरू हो सकें.
नीतीश ने कहा कि पटना में उनका मन नहीं लगता. उन्होंने माना कि केवल योजना बना लेने से कुछ नहीं होता जब तक जमीन पर जाकर उसकी समीक्षा न की जाए तब तक कोई भी कार्यक्रम सफल नहीं हो सकता. हालांकि जब नीतीश कुमार मुख्यमंत्री नहीं थे तब पार्टी के लिए निकाली गई एक यात्रा में अनुबंधित शिक्षकों ने जमकर विरोध किया था. इस कारण मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्होंने प्राथमिकता से शिक्षकों के वेतन बढ़ाए. जानकारों का मानना है कि महागठबंधन को इसका लाभ भी मिला.
नीतीश कुमार वर्ष 2005 में मुख्यमंत्री पद के दावेदार बने थे. तब उन्होंने सबसे पहले न्याय यात्रा से शुरुआत की थी. मुख्यमंत्री बनने के बाद वे विकास यात्रा, धन्यवाद यात्रा, प्रवास यात्रा, सेवा यात्रा, संकल्प यात्रा के तहत राज्य के लोगों की शिकायतें सुन चुके हैं. हर यात्रा में नीतीश की कोशिश होती है कि राज्य के ज्यादा से ज्यादा लोगों की समस्याओं से रूबरू हो सकें.
नीतीश ने कहा कि पटना में उनका मन नहीं लगता. उन्होंने माना कि केवल योजना बना लेने से कुछ नहीं होता जब तक जमीन पर जाकर उसकी समीक्षा न की जाए तब तक कोई भी कार्यक्रम सफल नहीं हो सकता. हालांकि जब नीतीश कुमार मुख्यमंत्री नहीं थे तब पार्टी के लिए निकाली गई एक यात्रा में अनुबंधित शिक्षकों ने जमकर विरोध किया था. इस कारण मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्होंने प्राथमिकता से शिक्षकों के वेतन बढ़ाए. जानकारों का मानना है कि महागठबंधन को इसका लाभ भी मिला.
नीतीश ने कहा कि पटना में उनका मन नहीं लगता. उन्होंने माना कि केवल योजना बना लेने से कुछ नहीं होता जब तक जमीन पर जाकर उसकी समीक्षा न की जाए तब तक कोई भी कार्यक्रम सफल नहीं हो सकता. हालांकि जब नीतीश कुमार मुख्यमंत्री नहीं थे तब पार्टी के लिए निकाली गई एक यात्रा में अनुबंधित शिक्षकों ने जमकर विरोध किया था. इस कारण मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्होंने प्राथमिकता से शिक्षकों के वेतन बढ़ाए. जानकारों का मानना है कि महागठबंधन को इसका लाभ भी मिला. | यहाँ एक सारांश है:जिला मुख्यालयों पर पहुंचकर लोगों की समस्याएं सुनेंगे
हर जगह सात निश्चय से सम्बंधित प्रगति की समीक्षा करेंगे
कहा, जमीनी समीक्षा के बिना कोई भी कार्यक्रम सफल नहीं हो सकता | 18 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: दिल्ली हाईकोर्ट से मोदी सरकार को राहत मिली, जिसने केंद्र की नोटबंदी नीति के गुणदोष पर गौर करने तथा बैंकों से प्रतिदिन धननिकासी की सीमा खत्म करने के लिए कोई निर्देश देने से इनकार कर दिया.
मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति जी रोहिणी और न्यायमूर्ति वीके राव की पीठ ने कहा, 'परोक्ष रूप से इस रिट याचिका के जरिये आप नोटबंदी पर अधिसूचना को चुनौती दे रहे हैं, हम इसमें नहीं जा सकते, क्योंकि सुप्रीम कोर्ट पहले ही इसे देख रहा है.' याचिकाकर्ता ने धननिकासी सीमा तय करने संबंधी केंद्र की अधिसूचना के उपबंध को निरस्त करने की मांग की थी.टिप्पणियां
आदेश को इसलिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि शीर्ष अदालत ने बीती दो सुनवाइयों में देशभर की उच्च न्यायालयों को नोटबंदी फैसले के खिलाफ याचिकाएं विचारार्थ स्वीकार करने से रोकने से इनकार कर दिया था. शीर्ष अदालत ने कहा था कि लोग उनसे तत्काल राहत प्राप्त कर सकते हैं.
शीर्ष अदालत ने केंद्र की स्थानान्तरित याचिका तथा नोटबंदी से जुड़े अन्य मामलों पर दो दिसंबर को सुनवाई करने के अनुरोध पर सहमति जताई. अदालत ने अशोक शर्मा की जनहित याचिका का निपटारा किया जिन्होंने इस आधार पर राहत का आग्रह किया था कि केंद्र द्वारा सप्ताह में राशि निकासी की सीमा 24 हजार रुपये रखे जाने से बड़े पैमाने पर लोगों की 'आजीविका पर प्रभाव पड़ रहा है.'
मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति जी रोहिणी और न्यायमूर्ति वीके राव की पीठ ने कहा, 'परोक्ष रूप से इस रिट याचिका के जरिये आप नोटबंदी पर अधिसूचना को चुनौती दे रहे हैं, हम इसमें नहीं जा सकते, क्योंकि सुप्रीम कोर्ट पहले ही इसे देख रहा है.' याचिकाकर्ता ने धननिकासी सीमा तय करने संबंधी केंद्र की अधिसूचना के उपबंध को निरस्त करने की मांग की थी.टिप्पणियां
आदेश को इसलिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि शीर्ष अदालत ने बीती दो सुनवाइयों में देशभर की उच्च न्यायालयों को नोटबंदी फैसले के खिलाफ याचिकाएं विचारार्थ स्वीकार करने से रोकने से इनकार कर दिया था. शीर्ष अदालत ने कहा था कि लोग उनसे तत्काल राहत प्राप्त कर सकते हैं.
शीर्ष अदालत ने केंद्र की स्थानान्तरित याचिका तथा नोटबंदी से जुड़े अन्य मामलों पर दो दिसंबर को सुनवाई करने के अनुरोध पर सहमति जताई. अदालत ने अशोक शर्मा की जनहित याचिका का निपटारा किया जिन्होंने इस आधार पर राहत का आग्रह किया था कि केंद्र द्वारा सप्ताह में राशि निकासी की सीमा 24 हजार रुपये रखे जाने से बड़े पैमाने पर लोगों की 'आजीविका पर प्रभाव पड़ रहा है.'
आदेश को इसलिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि शीर्ष अदालत ने बीती दो सुनवाइयों में देशभर की उच्च न्यायालयों को नोटबंदी फैसले के खिलाफ याचिकाएं विचारार्थ स्वीकार करने से रोकने से इनकार कर दिया था. शीर्ष अदालत ने कहा था कि लोग उनसे तत्काल राहत प्राप्त कर सकते हैं.
शीर्ष अदालत ने केंद्र की स्थानान्तरित याचिका तथा नोटबंदी से जुड़े अन्य मामलों पर दो दिसंबर को सुनवाई करने के अनुरोध पर सहमति जताई. अदालत ने अशोक शर्मा की जनहित याचिका का निपटारा किया जिन्होंने इस आधार पर राहत का आग्रह किया था कि केंद्र द्वारा सप्ताह में राशि निकासी की सीमा 24 हजार रुपये रखे जाने से बड़े पैमाने पर लोगों की 'आजीविका पर प्रभाव पड़ रहा है.'
शीर्ष अदालत ने केंद्र की स्थानान्तरित याचिका तथा नोटबंदी से जुड़े अन्य मामलों पर दो दिसंबर को सुनवाई करने के अनुरोध पर सहमति जताई. अदालत ने अशोक शर्मा की जनहित याचिका का निपटारा किया जिन्होंने इस आधार पर राहत का आग्रह किया था कि केंद्र द्वारा सप्ताह में राशि निकासी की सीमा 24 हजार रुपये रखे जाने से बड़े पैमाने पर लोगों की 'आजीविका पर प्रभाव पड़ रहा है.' | सारांश: बैंक से एक दिन में 24 हजार रुपये निकासी की सीमा के खिलाफ थी याचिका
हाईकोर्ट ने धन निकासी की सीमा खत्म करने का निर्देश देने से मना किया
सुप्रीम कोर्ट पहले ही इसे देख रहा है, हम इसमें नहीं जा सकते: हाईकोर्ट | 31 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: आर्मी चीफ जनरल वीके सिंह को 14 करोड़ रिश्वत की पेशकश के मामले में सीबीआई की टीम ने उनसे मुलाकात की। सीबीआई सूत्रों के मुताबिक इस मामले में एफआईआर अब 30 मार्च के बाद ही दायर की जा सकेगी। जनरल वीके सिंह ने सीबीआई से कहा है कि वह कुछ दिन के लिए दिल्ली से बाहर जा रहे हैं और तीस मार्च को अपना बयान देंगे।
गौरतलब है कि केंद्रीय जांच ब्यूरो ने घूस की कथित पेशकश के मामले में एक ऑडियो टेप प्राप्त किया जिसमें सेनाध्यक्ष जनरल वी के सिंह और एक अन्य व्यक्ति के बीच कथित बातचीत है। सीबीआई को रक्षा मंत्रालय की ओर से मामले की जांच करने को कहा गया है।
सीबीआई के सूत्रों ने इसका खुलासा करने से इनकार कर दिया कि यह टेप उनके पास कैसे पहुंचा जिसके बारे में यह दावा किया जा रहा है कि वह उस मुलाकात का है जिसमें कथित रिश्वत की पेशकश की गई थी। हालांकि इस टेप की सच्चाई और प्रमाणिकता अभी साबित होनी बाकी है।
इन टेपों में कथित रूप से जनरल सिंह और अन्य अधिकारी के बीच बातचीत है तथा इसमें जनरल सिंह चिल्ला रहे हैं। हालांकि सूत्रों ने कहा कि टेपों में आवाजें अभी प्रमाणित नहीं हुई हैं इसलिए उनकी सच्चाई के बारे में अभी कुछ भी नहीं कहा जा सकता।
सूत्रों ने कहा कि एजेंसी ने रक्षा मंत्रालय से अन्य विस्तृत जानकारियां जैसे गवाहों की सूची और अन्य दस्तावेजों के साथ ही जनरन सिंह की ओर से शिकायत उपलब्ध कराने को कहा है ताकि वह इस मामले में अपनी जांच शुरू कर सके।टिप्पणियां
उधर, रक्षा मंत्री के बयान को सेना प्रमुख वीके सिंह से चुनौती मिलनी शुरू हो गई है। एनडीटीवी इंडिया को सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक राज्यसभा में मंगलवार को रक्षा मंत्री ने जो बयान दिया था उस पर सेना प्रमुख के नजदीकी लोग जल्द ही चुनौती देने वाले हैं।
मंगलवार को रक्षा मंत्री ने राज्यसभा में कहा था सितंबर 2010 में जब आर्मी चीफ मेरे पास यह शिकायत लेकर आए थे कि ले.जनरल तेजिंदर सिंह ने उन्हें घूस की पेशकश की है तो मैंने उन्हें लिखित में शिकायत करने और कार्रवाई करने को कहा था लेकिन उन्होंने कहा था कि वह इस मामले को आगे नहीं बढ़ाना चाहते। लेकिन आर्मी चीफ के सूत्रों ने एनडीटीवी इंडिया को बताया कि जनरल वीके सिंह ने तेजिंदर के खिलाफ जो भी संभव कार्रवाई करनी थी वह की और उन्हें एनटीआरओ का चीफ नहीं बनने दिया। आर्मी चीफ जनरल वीके सिंह ने BMEL के साथ सौदे को भी मंजूरी नहीं दी।
गौरतलब है कि केंद्रीय जांच ब्यूरो ने घूस की कथित पेशकश के मामले में एक ऑडियो टेप प्राप्त किया जिसमें सेनाध्यक्ष जनरल वी के सिंह और एक अन्य व्यक्ति के बीच कथित बातचीत है। सीबीआई को रक्षा मंत्रालय की ओर से मामले की जांच करने को कहा गया है।
सीबीआई के सूत्रों ने इसका खुलासा करने से इनकार कर दिया कि यह टेप उनके पास कैसे पहुंचा जिसके बारे में यह दावा किया जा रहा है कि वह उस मुलाकात का है जिसमें कथित रिश्वत की पेशकश की गई थी। हालांकि इस टेप की सच्चाई और प्रमाणिकता अभी साबित होनी बाकी है।
इन टेपों में कथित रूप से जनरल सिंह और अन्य अधिकारी के बीच बातचीत है तथा इसमें जनरल सिंह चिल्ला रहे हैं। हालांकि सूत्रों ने कहा कि टेपों में आवाजें अभी प्रमाणित नहीं हुई हैं इसलिए उनकी सच्चाई के बारे में अभी कुछ भी नहीं कहा जा सकता।
सूत्रों ने कहा कि एजेंसी ने रक्षा मंत्रालय से अन्य विस्तृत जानकारियां जैसे गवाहों की सूची और अन्य दस्तावेजों के साथ ही जनरन सिंह की ओर से शिकायत उपलब्ध कराने को कहा है ताकि वह इस मामले में अपनी जांच शुरू कर सके।टिप्पणियां
उधर, रक्षा मंत्री के बयान को सेना प्रमुख वीके सिंह से चुनौती मिलनी शुरू हो गई है। एनडीटीवी इंडिया को सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक राज्यसभा में मंगलवार को रक्षा मंत्री ने जो बयान दिया था उस पर सेना प्रमुख के नजदीकी लोग जल्द ही चुनौती देने वाले हैं।
मंगलवार को रक्षा मंत्री ने राज्यसभा में कहा था सितंबर 2010 में जब आर्मी चीफ मेरे पास यह शिकायत लेकर आए थे कि ले.जनरल तेजिंदर सिंह ने उन्हें घूस की पेशकश की है तो मैंने उन्हें लिखित में शिकायत करने और कार्रवाई करने को कहा था लेकिन उन्होंने कहा था कि वह इस मामले को आगे नहीं बढ़ाना चाहते। लेकिन आर्मी चीफ के सूत्रों ने एनडीटीवी इंडिया को बताया कि जनरल वीके सिंह ने तेजिंदर के खिलाफ जो भी संभव कार्रवाई करनी थी वह की और उन्हें एनटीआरओ का चीफ नहीं बनने दिया। आर्मी चीफ जनरल वीके सिंह ने BMEL के साथ सौदे को भी मंजूरी नहीं दी।
सीबीआई के सूत्रों ने इसका खुलासा करने से इनकार कर दिया कि यह टेप उनके पास कैसे पहुंचा जिसके बारे में यह दावा किया जा रहा है कि वह उस मुलाकात का है जिसमें कथित रिश्वत की पेशकश की गई थी। हालांकि इस टेप की सच्चाई और प्रमाणिकता अभी साबित होनी बाकी है।
इन टेपों में कथित रूप से जनरल सिंह और अन्य अधिकारी के बीच बातचीत है तथा इसमें जनरल सिंह चिल्ला रहे हैं। हालांकि सूत्रों ने कहा कि टेपों में आवाजें अभी प्रमाणित नहीं हुई हैं इसलिए उनकी सच्चाई के बारे में अभी कुछ भी नहीं कहा जा सकता।
सूत्रों ने कहा कि एजेंसी ने रक्षा मंत्रालय से अन्य विस्तृत जानकारियां जैसे गवाहों की सूची और अन्य दस्तावेजों के साथ ही जनरन सिंह की ओर से शिकायत उपलब्ध कराने को कहा है ताकि वह इस मामले में अपनी जांच शुरू कर सके।टिप्पणियां
उधर, रक्षा मंत्री के बयान को सेना प्रमुख वीके सिंह से चुनौती मिलनी शुरू हो गई है। एनडीटीवी इंडिया को सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक राज्यसभा में मंगलवार को रक्षा मंत्री ने जो बयान दिया था उस पर सेना प्रमुख के नजदीकी लोग जल्द ही चुनौती देने वाले हैं।
मंगलवार को रक्षा मंत्री ने राज्यसभा में कहा था सितंबर 2010 में जब आर्मी चीफ मेरे पास यह शिकायत लेकर आए थे कि ले.जनरल तेजिंदर सिंह ने उन्हें घूस की पेशकश की है तो मैंने उन्हें लिखित में शिकायत करने और कार्रवाई करने को कहा था लेकिन उन्होंने कहा था कि वह इस मामले को आगे नहीं बढ़ाना चाहते। लेकिन आर्मी चीफ के सूत्रों ने एनडीटीवी इंडिया को बताया कि जनरल वीके सिंह ने तेजिंदर के खिलाफ जो भी संभव कार्रवाई करनी थी वह की और उन्हें एनटीआरओ का चीफ नहीं बनने दिया। आर्मी चीफ जनरल वीके सिंह ने BMEL के साथ सौदे को भी मंजूरी नहीं दी।
इन टेपों में कथित रूप से जनरल सिंह और अन्य अधिकारी के बीच बातचीत है तथा इसमें जनरल सिंह चिल्ला रहे हैं। हालांकि सूत्रों ने कहा कि टेपों में आवाजें अभी प्रमाणित नहीं हुई हैं इसलिए उनकी सच्चाई के बारे में अभी कुछ भी नहीं कहा जा सकता।
सूत्रों ने कहा कि एजेंसी ने रक्षा मंत्रालय से अन्य विस्तृत जानकारियां जैसे गवाहों की सूची और अन्य दस्तावेजों के साथ ही जनरन सिंह की ओर से शिकायत उपलब्ध कराने को कहा है ताकि वह इस मामले में अपनी जांच शुरू कर सके।टिप्पणियां
उधर, रक्षा मंत्री के बयान को सेना प्रमुख वीके सिंह से चुनौती मिलनी शुरू हो गई है। एनडीटीवी इंडिया को सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक राज्यसभा में मंगलवार को रक्षा मंत्री ने जो बयान दिया था उस पर सेना प्रमुख के नजदीकी लोग जल्द ही चुनौती देने वाले हैं।
मंगलवार को रक्षा मंत्री ने राज्यसभा में कहा था सितंबर 2010 में जब आर्मी चीफ मेरे पास यह शिकायत लेकर आए थे कि ले.जनरल तेजिंदर सिंह ने उन्हें घूस की पेशकश की है तो मैंने उन्हें लिखित में शिकायत करने और कार्रवाई करने को कहा था लेकिन उन्होंने कहा था कि वह इस मामले को आगे नहीं बढ़ाना चाहते। लेकिन आर्मी चीफ के सूत्रों ने एनडीटीवी इंडिया को बताया कि जनरल वीके सिंह ने तेजिंदर के खिलाफ जो भी संभव कार्रवाई करनी थी वह की और उन्हें एनटीआरओ का चीफ नहीं बनने दिया। आर्मी चीफ जनरल वीके सिंह ने BMEL के साथ सौदे को भी मंजूरी नहीं दी।
सूत्रों ने कहा कि एजेंसी ने रक्षा मंत्रालय से अन्य विस्तृत जानकारियां जैसे गवाहों की सूची और अन्य दस्तावेजों के साथ ही जनरन सिंह की ओर से शिकायत उपलब्ध कराने को कहा है ताकि वह इस मामले में अपनी जांच शुरू कर सके।टिप्पणियां
उधर, रक्षा मंत्री के बयान को सेना प्रमुख वीके सिंह से चुनौती मिलनी शुरू हो गई है। एनडीटीवी इंडिया को सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक राज्यसभा में मंगलवार को रक्षा मंत्री ने जो बयान दिया था उस पर सेना प्रमुख के नजदीकी लोग जल्द ही चुनौती देने वाले हैं।
मंगलवार को रक्षा मंत्री ने राज्यसभा में कहा था सितंबर 2010 में जब आर्मी चीफ मेरे पास यह शिकायत लेकर आए थे कि ले.जनरल तेजिंदर सिंह ने उन्हें घूस की पेशकश की है तो मैंने उन्हें लिखित में शिकायत करने और कार्रवाई करने को कहा था लेकिन उन्होंने कहा था कि वह इस मामले को आगे नहीं बढ़ाना चाहते। लेकिन आर्मी चीफ के सूत्रों ने एनडीटीवी इंडिया को बताया कि जनरल वीके सिंह ने तेजिंदर के खिलाफ जो भी संभव कार्रवाई करनी थी वह की और उन्हें एनटीआरओ का चीफ नहीं बनने दिया। आर्मी चीफ जनरल वीके सिंह ने BMEL के साथ सौदे को भी मंजूरी नहीं दी।
उधर, रक्षा मंत्री के बयान को सेना प्रमुख वीके सिंह से चुनौती मिलनी शुरू हो गई है। एनडीटीवी इंडिया को सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक राज्यसभा में मंगलवार को रक्षा मंत्री ने जो बयान दिया था उस पर सेना प्रमुख के नजदीकी लोग जल्द ही चुनौती देने वाले हैं।
मंगलवार को रक्षा मंत्री ने राज्यसभा में कहा था सितंबर 2010 में जब आर्मी चीफ मेरे पास यह शिकायत लेकर आए थे कि ले.जनरल तेजिंदर सिंह ने उन्हें घूस की पेशकश की है तो मैंने उन्हें लिखित में शिकायत करने और कार्रवाई करने को कहा था लेकिन उन्होंने कहा था कि वह इस मामले को आगे नहीं बढ़ाना चाहते। लेकिन आर्मी चीफ के सूत्रों ने एनडीटीवी इंडिया को बताया कि जनरल वीके सिंह ने तेजिंदर के खिलाफ जो भी संभव कार्रवाई करनी थी वह की और उन्हें एनटीआरओ का चीफ नहीं बनने दिया। आर्मी चीफ जनरल वीके सिंह ने BMEL के साथ सौदे को भी मंजूरी नहीं दी।
मंगलवार को रक्षा मंत्री ने राज्यसभा में कहा था सितंबर 2010 में जब आर्मी चीफ मेरे पास यह शिकायत लेकर आए थे कि ले.जनरल तेजिंदर सिंह ने उन्हें घूस की पेशकश की है तो मैंने उन्हें लिखित में शिकायत करने और कार्रवाई करने को कहा था लेकिन उन्होंने कहा था कि वह इस मामले को आगे नहीं बढ़ाना चाहते। लेकिन आर्मी चीफ के सूत्रों ने एनडीटीवी इंडिया को बताया कि जनरल वीके सिंह ने तेजिंदर के खिलाफ जो भी संभव कार्रवाई करनी थी वह की और उन्हें एनटीआरओ का चीफ नहीं बनने दिया। आर्मी चीफ जनरल वीके सिंह ने BMEL के साथ सौदे को भी मंजूरी नहीं दी। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: सीबीआई सूत्रों के मुताबिक सेना प्रमुख को घूस देने के मामले में एफआईआर अब 30 मार्च के बाद ही दायर की जा सकेगी। | 32 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारत के सैकड़ों ईसाई तीर्थयात्रियों ने क्रिसमस की पूर्व संध्या पर ईसा मसीह की जन्म नगरी बेथलहम में एक जुलूस निकाल कर विश्व शांति के लिए प्रार्थना की। जुलूस में शामिल होने वाले लगभग 500 भारतीय देश के विभिन्न हिस्सों से आए ईसाई पर्यटक थे। केरल से आए फादर सलीबा कटपुमंगप्पू ने शनिवार की रात इस मार्च का नेतृत्व किया। उन्होंने कहा पिछले कुछ महीनों में मध्य पूर्व के विभिन्न हिस्सों में हुईं घटनाएं चिंताजनक हैं इसलिए हमने इस पवित्र शहर में ईश्वर से यह प्रार्थना करने के लिए एकत्र होने का फैसला किया कि क्षेत्र में शांति आए। भारतीयों को बेथलहम लाने में मदद करने वाले स्कोपस वर्ल्ड ट्रैवल के जोस लिबा ने प्रेट्र से कहा भारतीय तीर्थयात्रियों में इस तरह का शांति मार्च आयोजित किए जाने को लेकर काफी उत्साह था। केरल से आए भारतीय पर्यटक अब्राहम ने कहा इस पवित्र भूमि की यह मेरी पहली यात्रा है। इस मार्च में भाग लेकर मैं बहुत अच्छा महसूस कर रहा हूं। इस बीच केरल और तमिलनाडु के तीर्थयात्रियों ने मुल्लापेरियार बांध मुद्दे के सौहार्दपूर्ण समाधान के लिए इस पवित्र शहर में प्रार्थना सभा की। | सारांश: भारत के सैकड़ों ईसाई तीर्थयात्रियों ने क्रिसमस की पूर्व संध्या पर ईसा मसीह की जन्म नगरी बेथलहम में एक जुलूस निकाल कर विश्व शांति के लिए प्रार्थना की। | 20 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: नागरिकता संशोधन कानून (Citizenship Amendment Act) के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन के दौरान मंगलवार को दिल्ली के सीलमपुर-जाफराबाद इलाके में भड़की हिंसा के मामले में पुलिस ने कुल तीन एफआईआर दर्ज की हैं. पुलिस ने इस मामले में छह लोगों को गिरफ्तार भी कर लिया है. वहीं, बाकी लोगों को गिरफ्तार करने के लिए छापेमारी जारी है. एक एफआईआर ब्रजपुरी में पथराव की घटना को लेकर भी दर्ज की गई है. बताया जा रहा है कि प्रदर्शन में आपराधिक किस्म के लोग भी थे, जिन्होंने हिंसा भड़काई. साथ ही दिल्ली के उत्तर-पूर्वी जिले में धारा 144 लागू कर दी गई है.
बताते चले कि मंगलवार को नागरिकता संशोधन कानून (Citizenship Act) के खिलाफ जामिया के बाद पूर्वी दिल्ली के सीलमपुर इलाके में भी जमकर बवाल हुआ था. नागरिकता कानून के खिलाफ प्रदर्शन करने के लिए करीब 2 हजार लोग इकट्ठा हुए थे. भीड़ ने सीलमपुर टी प्वाइंट से जाफराबाद टी प्वाइंट के बीच पथराव किया. प्रदर्शनकारियों ने इस दौरान पुलिस चौकी को भी आग के हवाले कर दिया था. कई बसों में तोड़फोड़ भी की. इसमें कई पुलिसकर्मी घायल हुए. पूरे इलाके में फोर्स तैनात कर दी गई है. बवाल होने के बाद वेलकम, जाफराबाद, मौजपुर-बाबरपुर मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार बंद कर दिए गए थे. हालांकि अब सभी मेट्रो स्टेशन का आवागमन जारी कर दिया है.
मालूम हो कि पूर्वोत्तर दिल्ली के सीलमपुर इलाके में मंगलवार को संशोधित नागरिकता कानून के खिलाफ रैली निकाली गई, जिस दौरान स्थानीय लोगों ने पुलिस पर पथराव किया. भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े. इस संबंध में एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि सीलमपुर टी प्वाइंट पर लोग एकत्र हुए और दोपहर करीब बारह बजे विरोध प्रदर्शन शुरू हुआ. प्रदर्शनकारियों ने संशोधित नागरिकता कानून (सीएए), राष्ट्रीय नागरिक पंजी (एनआरसी) और सरकार के विरोध में नारे लगाए. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: सीलमपुर-जाफराबाद हिंसा: पुलिस ने दर्ज की 3 FIR
6 लोग गिरफ्तार, बाकी लोगों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी
दिल्ली के उत्तर-पूर्वी जिले में धारा 144 लागू | 11 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा (Taarak Mehta Ka Ooltah Chashmah)' में नया धमाल होने जा रहा है. महिला मंडल के साथ टप्पू सेना 'बाइकिंग क्वीन' डॉ सारिका मेहता, जीनल शाह और रुताली पटेल को गोकुलधाम सोसाइटी में आने का निमंत्रण देते हैं . वे लोग पुरुष मंडल को इसकी भनक तक नहीं पड़ने देते. सोसाइटी में जश्न की तैयारियां चल रही हैं लेकिन पुरुष मंडल को क्लब हाउस में भेज दिया जाता है. सभी पुरुषों को 'बाइकिंग क्वीन' के गोकुलधाम में मोटर साइकिल पर आने के बाद ही पता चलता है कि वे कौन हैं. सभी गोकुलधाम वासी बहुत मस्ती करते हैं और अंत में गरबा होता है. 'बाइकिंग क्वीन' को जून के महीने में यूरोप की उनकी बाइक यात्रा के लिए शुभ कामनाओं के साथ विदा किया जाता है.
'तारक मेहता का उल्टा चश्मा (Taarak Mehta Ka Ooltah Chashmah)' के क्रिएटर असित कुमार मोदी का कहना है, 'बाइकिंग क्वीन डॉ सारिका मेहता, जीनल शाह और रुताली पटेल का तारक मेहता का उल्टा चश्मा में स्वागत करते हुए बहुत ही गर्व हुआ क्योंकि वे स्त्री सशक्तिकरण का ज्वलंत उदाहरण हैं. हमारे शो में भी महिलाओं को सशक्त, बुद्धिमान और सकारात्मक दिखाया जाता है. हम उन स्त्रिओं को सलाम करते हैं जिन्हें अपनी शक्ति और खुद पर विश्वास है.'
'बाइकिंग क्वीन' की लीडर डॉ. सारिका मेहता का कहना है, 'एक महिला सम्पूर्ण चक्र है जिसमें पैदा करने, पोषण करने और रूपांतर करने की शक्ति भी होती है और इच्छा भी. हम अपने अंदर शक्ति, हिम्मत और मर्यादा तीनों का समागम शान से रखते हैं. हमें 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' के सेट पर आकर बहुत अच्छा लगा. यह एक ऐसा शो है जो स्त्री शक्ति को सकारात्मक रूप में दिखाता है. हम असित कुमार मोदी और पूरी टीम को धन्यवाद देते हैं कि उन्होंने हमें अपना स्त्री सशक्तिकरण का संदेश देने का इतना अच्छा मौका दिया.' | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: तारक मेहता...में आएंगे नए मेहमान
गोकुलधाम सोसाइटी में यूं मचेगा हंगामा
टप्पू सेना ने किया है कमाल | 11 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: पाकिस्तान सरकार मुंबई हमले के मामले में अहम गवाहों से जिरह की अनुमति के लिए भारत को पत्र लिखेगी। इससे पहले पाकिस्तान की एक अदालत ने मामले में सबूत एकत्रित करने भारत गए एक न्यायिक आयोग की रिपोर्ट को खारिज कर दिया था।
संघीय जांच एजेंसी के विशेष अभियोजक मोहम्मद अजहर चौधरी ने कहा कि पाकिस्तान सरकार कानूनी जरूरतें पूरी करने के लिए भारतीय गवाहों से जिरह के संबंध में भारत के अधिकारियों को पत्र लिखेगी।
2008 के मुंबई आतंकवादी हमलों की साजिश रचने और उन्हें अंजाम देने के आरोपी सात पाकिस्तानी संदिग्धों पर मुकदमा चला रही आतंकवाद रोधी अदालत ने मार्च में भारत का दौरा करने वाले आयोग की रिपोर्ट को गैर-कानूनी कहकर खारिज कर दिया था।
न्यायाधीश चौधरी हबीब-उर-रहमान ने कहा था कि अगर भारत और पाकिस्तान गवाहों से जिरह के लिए तैयार हो जाते हैं तो एक और आयोग को मुंबई भेजा जा सकता है।
उन्होंने कहा कि अभियोजक पाकिस्तानी आरोपियों के खिलाफ चार भारतीय गवाहों के बयानों का इस्तेमाल तभी कर सकते हैं जब भारतीय अधिकारी बचाव पक्ष के वकीलों को गवाहों से जिरह की अनुमति दें।
न्यायिक आयोग की 800 पन्नों की रिपोर्ट अदालत में पेश करने वाले विशेष अभियोजक चौधरी ने डॉन अखबार को बताया कि आयोग की रिपोर्ट को दरकिनार करने से आरोपियों को फायदा होगा क्योंकि अभियोजन पक्ष चार अहम गवाहों के बयानों को इस्तेमाल नहीं कर सकता। चौधरी की दलील है कि अगर सात आरोपियों को छोड़ दिया जाता है तो इसके लिए मुंबई में आयोग के कामकाज पर निगरानी रखने वाले भारतीय न्यायाधीश एसएस शिंदे जिम्मेदार होंगे क्योंकि शिंदे ने कानून का और आपराधिक प्रक्रिया संहिता की संबंधित धाराओं का पालन नहीं किया।
उन्होंने कहा कि न्यायाधीश शिंदे ने अभियोजक उज्ज्वल निकम के अनुरोध पर भारतीय गवाहों से जिरह से मना किया था। वकील रियाज अकरम चीमा ने कहा कि बचाव पक्ष के वकील अब भी गवाहों से जिरह के लिए भारत जाना चाह रहे हैं।
उन्होंने कहा, आतंकवाद निरोधक अदालत ने हमारी याचिका को मंजूर किया जिसमें मुंबई गए आयोग की कार्यवाही पर कई आपत्तियां जताई गईं और इससे वाकई बचाव पक्ष का मामला मजबूत हुआ। लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर जकिउर रहमान लखवी के वकील ख्वाजा हरीश अहमद ने दलील दी कि बचाव पक्ष के वकील और अभियोजक भारतीय गवाहों से जिरह कर सकते हैं।टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि इन गवाहों से जिरह नहीं करने देना पाकिस्तान और भारत दोनों की आपराधिक प्रक्रिया संहिताओं के प्रावधानों के विरुद्ध है।
भारत और पाकिस्तान की सरकारों के बीच एक सहमति के मद्देनजर पाकिस्तान के आयोग को मुंबई हमलों के गवाहों से जिरह नहीं करने दी गयी थी।
संघीय जांच एजेंसी के विशेष अभियोजक मोहम्मद अजहर चौधरी ने कहा कि पाकिस्तान सरकार कानूनी जरूरतें पूरी करने के लिए भारतीय गवाहों से जिरह के संबंध में भारत के अधिकारियों को पत्र लिखेगी।
2008 के मुंबई आतंकवादी हमलों की साजिश रचने और उन्हें अंजाम देने के आरोपी सात पाकिस्तानी संदिग्धों पर मुकदमा चला रही आतंकवाद रोधी अदालत ने मार्च में भारत का दौरा करने वाले आयोग की रिपोर्ट को गैर-कानूनी कहकर खारिज कर दिया था।
न्यायाधीश चौधरी हबीब-उर-रहमान ने कहा था कि अगर भारत और पाकिस्तान गवाहों से जिरह के लिए तैयार हो जाते हैं तो एक और आयोग को मुंबई भेजा जा सकता है।
उन्होंने कहा कि अभियोजक पाकिस्तानी आरोपियों के खिलाफ चार भारतीय गवाहों के बयानों का इस्तेमाल तभी कर सकते हैं जब भारतीय अधिकारी बचाव पक्ष के वकीलों को गवाहों से जिरह की अनुमति दें।
न्यायिक आयोग की 800 पन्नों की रिपोर्ट अदालत में पेश करने वाले विशेष अभियोजक चौधरी ने डॉन अखबार को बताया कि आयोग की रिपोर्ट को दरकिनार करने से आरोपियों को फायदा होगा क्योंकि अभियोजन पक्ष चार अहम गवाहों के बयानों को इस्तेमाल नहीं कर सकता। चौधरी की दलील है कि अगर सात आरोपियों को छोड़ दिया जाता है तो इसके लिए मुंबई में आयोग के कामकाज पर निगरानी रखने वाले भारतीय न्यायाधीश एसएस शिंदे जिम्मेदार होंगे क्योंकि शिंदे ने कानून का और आपराधिक प्रक्रिया संहिता की संबंधित धाराओं का पालन नहीं किया।
उन्होंने कहा कि न्यायाधीश शिंदे ने अभियोजक उज्ज्वल निकम के अनुरोध पर भारतीय गवाहों से जिरह से मना किया था। वकील रियाज अकरम चीमा ने कहा कि बचाव पक्ष के वकील अब भी गवाहों से जिरह के लिए भारत जाना चाह रहे हैं।
उन्होंने कहा, आतंकवाद निरोधक अदालत ने हमारी याचिका को मंजूर किया जिसमें मुंबई गए आयोग की कार्यवाही पर कई आपत्तियां जताई गईं और इससे वाकई बचाव पक्ष का मामला मजबूत हुआ। लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर जकिउर रहमान लखवी के वकील ख्वाजा हरीश अहमद ने दलील दी कि बचाव पक्ष के वकील और अभियोजक भारतीय गवाहों से जिरह कर सकते हैं।टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि इन गवाहों से जिरह नहीं करने देना पाकिस्तान और भारत दोनों की आपराधिक प्रक्रिया संहिताओं के प्रावधानों के विरुद्ध है।
भारत और पाकिस्तान की सरकारों के बीच एक सहमति के मद्देनजर पाकिस्तान के आयोग को मुंबई हमलों के गवाहों से जिरह नहीं करने दी गयी थी।
2008 के मुंबई आतंकवादी हमलों की साजिश रचने और उन्हें अंजाम देने के आरोपी सात पाकिस्तानी संदिग्धों पर मुकदमा चला रही आतंकवाद रोधी अदालत ने मार्च में भारत का दौरा करने वाले आयोग की रिपोर्ट को गैर-कानूनी कहकर खारिज कर दिया था।
न्यायाधीश चौधरी हबीब-उर-रहमान ने कहा था कि अगर भारत और पाकिस्तान गवाहों से जिरह के लिए तैयार हो जाते हैं तो एक और आयोग को मुंबई भेजा जा सकता है।
उन्होंने कहा कि अभियोजक पाकिस्तानी आरोपियों के खिलाफ चार भारतीय गवाहों के बयानों का इस्तेमाल तभी कर सकते हैं जब भारतीय अधिकारी बचाव पक्ष के वकीलों को गवाहों से जिरह की अनुमति दें।
न्यायिक आयोग की 800 पन्नों की रिपोर्ट अदालत में पेश करने वाले विशेष अभियोजक चौधरी ने डॉन अखबार को बताया कि आयोग की रिपोर्ट को दरकिनार करने से आरोपियों को फायदा होगा क्योंकि अभियोजन पक्ष चार अहम गवाहों के बयानों को इस्तेमाल नहीं कर सकता। चौधरी की दलील है कि अगर सात आरोपियों को छोड़ दिया जाता है तो इसके लिए मुंबई में आयोग के कामकाज पर निगरानी रखने वाले भारतीय न्यायाधीश एसएस शिंदे जिम्मेदार होंगे क्योंकि शिंदे ने कानून का और आपराधिक प्रक्रिया संहिता की संबंधित धाराओं का पालन नहीं किया।
उन्होंने कहा कि न्यायाधीश शिंदे ने अभियोजक उज्ज्वल निकम के अनुरोध पर भारतीय गवाहों से जिरह से मना किया था। वकील रियाज अकरम चीमा ने कहा कि बचाव पक्ष के वकील अब भी गवाहों से जिरह के लिए भारत जाना चाह रहे हैं।
उन्होंने कहा, आतंकवाद निरोधक अदालत ने हमारी याचिका को मंजूर किया जिसमें मुंबई गए आयोग की कार्यवाही पर कई आपत्तियां जताई गईं और इससे वाकई बचाव पक्ष का मामला मजबूत हुआ। लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर जकिउर रहमान लखवी के वकील ख्वाजा हरीश अहमद ने दलील दी कि बचाव पक्ष के वकील और अभियोजक भारतीय गवाहों से जिरह कर सकते हैं।टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि इन गवाहों से जिरह नहीं करने देना पाकिस्तान और भारत दोनों की आपराधिक प्रक्रिया संहिताओं के प्रावधानों के विरुद्ध है।
भारत और पाकिस्तान की सरकारों के बीच एक सहमति के मद्देनजर पाकिस्तान के आयोग को मुंबई हमलों के गवाहों से जिरह नहीं करने दी गयी थी।
न्यायाधीश चौधरी हबीब-उर-रहमान ने कहा था कि अगर भारत और पाकिस्तान गवाहों से जिरह के लिए तैयार हो जाते हैं तो एक और आयोग को मुंबई भेजा जा सकता है।
उन्होंने कहा कि अभियोजक पाकिस्तानी आरोपियों के खिलाफ चार भारतीय गवाहों के बयानों का इस्तेमाल तभी कर सकते हैं जब भारतीय अधिकारी बचाव पक्ष के वकीलों को गवाहों से जिरह की अनुमति दें।
न्यायिक आयोग की 800 पन्नों की रिपोर्ट अदालत में पेश करने वाले विशेष अभियोजक चौधरी ने डॉन अखबार को बताया कि आयोग की रिपोर्ट को दरकिनार करने से आरोपियों को फायदा होगा क्योंकि अभियोजन पक्ष चार अहम गवाहों के बयानों को इस्तेमाल नहीं कर सकता। चौधरी की दलील है कि अगर सात आरोपियों को छोड़ दिया जाता है तो इसके लिए मुंबई में आयोग के कामकाज पर निगरानी रखने वाले भारतीय न्यायाधीश एसएस शिंदे जिम्मेदार होंगे क्योंकि शिंदे ने कानून का और आपराधिक प्रक्रिया संहिता की संबंधित धाराओं का पालन नहीं किया।
उन्होंने कहा कि न्यायाधीश शिंदे ने अभियोजक उज्ज्वल निकम के अनुरोध पर भारतीय गवाहों से जिरह से मना किया था। वकील रियाज अकरम चीमा ने कहा कि बचाव पक्ष के वकील अब भी गवाहों से जिरह के लिए भारत जाना चाह रहे हैं।
उन्होंने कहा, आतंकवाद निरोधक अदालत ने हमारी याचिका को मंजूर किया जिसमें मुंबई गए आयोग की कार्यवाही पर कई आपत्तियां जताई गईं और इससे वाकई बचाव पक्ष का मामला मजबूत हुआ। लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर जकिउर रहमान लखवी के वकील ख्वाजा हरीश अहमद ने दलील दी कि बचाव पक्ष के वकील और अभियोजक भारतीय गवाहों से जिरह कर सकते हैं।टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि इन गवाहों से जिरह नहीं करने देना पाकिस्तान और भारत दोनों की आपराधिक प्रक्रिया संहिताओं के प्रावधानों के विरुद्ध है।
भारत और पाकिस्तान की सरकारों के बीच एक सहमति के मद्देनजर पाकिस्तान के आयोग को मुंबई हमलों के गवाहों से जिरह नहीं करने दी गयी थी।
उन्होंने कहा कि अभियोजक पाकिस्तानी आरोपियों के खिलाफ चार भारतीय गवाहों के बयानों का इस्तेमाल तभी कर सकते हैं जब भारतीय अधिकारी बचाव पक्ष के वकीलों को गवाहों से जिरह की अनुमति दें।
न्यायिक आयोग की 800 पन्नों की रिपोर्ट अदालत में पेश करने वाले विशेष अभियोजक चौधरी ने डॉन अखबार को बताया कि आयोग की रिपोर्ट को दरकिनार करने से आरोपियों को फायदा होगा क्योंकि अभियोजन पक्ष चार अहम गवाहों के बयानों को इस्तेमाल नहीं कर सकता। चौधरी की दलील है कि अगर सात आरोपियों को छोड़ दिया जाता है तो इसके लिए मुंबई में आयोग के कामकाज पर निगरानी रखने वाले भारतीय न्यायाधीश एसएस शिंदे जिम्मेदार होंगे क्योंकि शिंदे ने कानून का और आपराधिक प्रक्रिया संहिता की संबंधित धाराओं का पालन नहीं किया।
उन्होंने कहा कि न्यायाधीश शिंदे ने अभियोजक उज्ज्वल निकम के अनुरोध पर भारतीय गवाहों से जिरह से मना किया था। वकील रियाज अकरम चीमा ने कहा कि बचाव पक्ष के वकील अब भी गवाहों से जिरह के लिए भारत जाना चाह रहे हैं।
उन्होंने कहा, आतंकवाद निरोधक अदालत ने हमारी याचिका को मंजूर किया जिसमें मुंबई गए आयोग की कार्यवाही पर कई आपत्तियां जताई गईं और इससे वाकई बचाव पक्ष का मामला मजबूत हुआ। लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर जकिउर रहमान लखवी के वकील ख्वाजा हरीश अहमद ने दलील दी कि बचाव पक्ष के वकील और अभियोजक भारतीय गवाहों से जिरह कर सकते हैं।टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि इन गवाहों से जिरह नहीं करने देना पाकिस्तान और भारत दोनों की आपराधिक प्रक्रिया संहिताओं के प्रावधानों के विरुद्ध है।
भारत और पाकिस्तान की सरकारों के बीच एक सहमति के मद्देनजर पाकिस्तान के आयोग को मुंबई हमलों के गवाहों से जिरह नहीं करने दी गयी थी।
न्यायिक आयोग की 800 पन्नों की रिपोर्ट अदालत में पेश करने वाले विशेष अभियोजक चौधरी ने डॉन अखबार को बताया कि आयोग की रिपोर्ट को दरकिनार करने से आरोपियों को फायदा होगा क्योंकि अभियोजन पक्ष चार अहम गवाहों के बयानों को इस्तेमाल नहीं कर सकता। चौधरी की दलील है कि अगर सात आरोपियों को छोड़ दिया जाता है तो इसके लिए मुंबई में आयोग के कामकाज पर निगरानी रखने वाले भारतीय न्यायाधीश एसएस शिंदे जिम्मेदार होंगे क्योंकि शिंदे ने कानून का और आपराधिक प्रक्रिया संहिता की संबंधित धाराओं का पालन नहीं किया।
उन्होंने कहा कि न्यायाधीश शिंदे ने अभियोजक उज्ज्वल निकम के अनुरोध पर भारतीय गवाहों से जिरह से मना किया था। वकील रियाज अकरम चीमा ने कहा कि बचाव पक्ष के वकील अब भी गवाहों से जिरह के लिए भारत जाना चाह रहे हैं।
उन्होंने कहा, आतंकवाद निरोधक अदालत ने हमारी याचिका को मंजूर किया जिसमें मुंबई गए आयोग की कार्यवाही पर कई आपत्तियां जताई गईं और इससे वाकई बचाव पक्ष का मामला मजबूत हुआ। लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर जकिउर रहमान लखवी के वकील ख्वाजा हरीश अहमद ने दलील दी कि बचाव पक्ष के वकील और अभियोजक भारतीय गवाहों से जिरह कर सकते हैं।टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि इन गवाहों से जिरह नहीं करने देना पाकिस्तान और भारत दोनों की आपराधिक प्रक्रिया संहिताओं के प्रावधानों के विरुद्ध है।
भारत और पाकिस्तान की सरकारों के बीच एक सहमति के मद्देनजर पाकिस्तान के आयोग को मुंबई हमलों के गवाहों से जिरह नहीं करने दी गयी थी।
उन्होंने कहा कि न्यायाधीश शिंदे ने अभियोजक उज्ज्वल निकम के अनुरोध पर भारतीय गवाहों से जिरह से मना किया था। वकील रियाज अकरम चीमा ने कहा कि बचाव पक्ष के वकील अब भी गवाहों से जिरह के लिए भारत जाना चाह रहे हैं।
उन्होंने कहा, आतंकवाद निरोधक अदालत ने हमारी याचिका को मंजूर किया जिसमें मुंबई गए आयोग की कार्यवाही पर कई आपत्तियां जताई गईं और इससे वाकई बचाव पक्ष का मामला मजबूत हुआ। लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर जकिउर रहमान लखवी के वकील ख्वाजा हरीश अहमद ने दलील दी कि बचाव पक्ष के वकील और अभियोजक भारतीय गवाहों से जिरह कर सकते हैं।टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि इन गवाहों से जिरह नहीं करने देना पाकिस्तान और भारत दोनों की आपराधिक प्रक्रिया संहिताओं के प्रावधानों के विरुद्ध है।
भारत और पाकिस्तान की सरकारों के बीच एक सहमति के मद्देनजर पाकिस्तान के आयोग को मुंबई हमलों के गवाहों से जिरह नहीं करने दी गयी थी।
उन्होंने कहा, आतंकवाद निरोधक अदालत ने हमारी याचिका को मंजूर किया जिसमें मुंबई गए आयोग की कार्यवाही पर कई आपत्तियां जताई गईं और इससे वाकई बचाव पक्ष का मामला मजबूत हुआ। लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर जकिउर रहमान लखवी के वकील ख्वाजा हरीश अहमद ने दलील दी कि बचाव पक्ष के वकील और अभियोजक भारतीय गवाहों से जिरह कर सकते हैं।टिप्पणियां
उन्होंने कहा कि इन गवाहों से जिरह नहीं करने देना पाकिस्तान और भारत दोनों की आपराधिक प्रक्रिया संहिताओं के प्रावधानों के विरुद्ध है।
भारत और पाकिस्तान की सरकारों के बीच एक सहमति के मद्देनजर पाकिस्तान के आयोग को मुंबई हमलों के गवाहों से जिरह नहीं करने दी गयी थी।
उन्होंने कहा कि इन गवाहों से जिरह नहीं करने देना पाकिस्तान और भारत दोनों की आपराधिक प्रक्रिया संहिताओं के प्रावधानों के विरुद्ध है।
भारत और पाकिस्तान की सरकारों के बीच एक सहमति के मद्देनजर पाकिस्तान के आयोग को मुंबई हमलों के गवाहों से जिरह नहीं करने दी गयी थी।
भारत और पाकिस्तान की सरकारों के बीच एक सहमति के मद्देनजर पाकिस्तान के आयोग को मुंबई हमलों के गवाहों से जिरह नहीं करने दी गयी थी। | संघीय जांच एजेंसी के विशेष अभियोजक मोहम्मद अजहर चौधरी ने कहा कि पाकिस्तान सरकार कानूनी जरूरतें पूरी करने के लिए भारतीय गवाहों से जिरह के संबंध में भारत के अधिकारियों को पत्र लिखेगी। | 34 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: 2.0 Box Office Collection Day 22: रजनीकांत (Rajinikanth) और अक्षय कुमार (Akshay Kumar) की फिल्म '2.0 (Robot 2.0)' ने बॉक्स ऑफिस पर ऐसा गदर मचाया है कि फिल्म जबरदस्त कमाई करने वाली फिल्मों की फेहरिस्त में शामिल हो गई है. बॉक्स ऑफिस इंडिया के मुताबिक, रजनीकांत की '2.0' बॉक्स ऑफिस पर कमाई करने वाली दूसरी फिल्म बन गई है. पहले नंबर 'बाहुबली- द कन्क्लुजन (Bahubali - The Conclusion)' है जिसने बॉक्स ऑफिस पर 1430 करोड़ रु. कमाए थे जबकि '2.0 (Robot 2.0)' दूसरे नंबर पर है, इसने 19 दिन के अंदर 518 करोड़ रु. की कमाई है जबकि तीसरे नंबर पर 'बाहुबली- द बिगिनिंग (Bahubali - The Beginning)' है. इस तरह भारत में सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्मों की लिस्ट में रजनीकांत और अक्षय कुमार की '2.0 (Enthiran 2.0)' ने दूसरे नंबर पर बाजी मारी है. यही नहीं, '2.0' का नया सॉन्ग 'राक्षसी' भी रिलीज हो गया है, जिसमें एक नहीं ढेरों रजनीकांत कहर बरपा रहे हैं.
रजनीकांत (Rajinikanth) और अक्षय कुमार (Akshay Kumar) की 'Robot 2.0' ने भारत में ही 400 करोड़ रुपए की कमाई कर डाली है. रजनीकांत की '2 point 0' को तीन हफ्ते हो चुके हैं और इसका जादू बरकरार है. बॉक्स ऑफिस इंडिया के मुताबिक '2.0' फिल्म ने तीसरे हफ्ते तक 409 करोड़ रुपए की कमाई की है. तीसरे हफ्ते 'Enthiran 2.0' फिल्म ने 18 करोड़ का बॉक्स ऑफिस कलेक्शन किया और गुरुवार तक करीब 21 करोड़ के आस-पास की कमाई हो जाएगी, इस तरह नेट कलेक्शन 412 करोड़ रुपए का हो जाएगा.
रजनीकांत (Rajinikanth) की '2.0 (2 Point 0)' चीन में भी रिलीज होगी. रजनीकांत की '2.0 (Robot 2.0)' चीन में लगभग 56,000 स्क्रीन्स पर रिलीज की जाएगी. फिल्म को बड़ी ओपनिंग मिलने की उम्मीद है. इतनी स्क्रीन्स अभी तक हॉलीवुड फिल्मों को ही मिलती रही हैं. रजनीकांत की '2.0' का क्रेज अभी खत्म नहीं हुआ है, और उधर उनकी अगली फिल्म 'पेट्टा (Petta)' ने हंगामा बरपा रखा है. रजनीकांत की 'पेट्टा' पोंगल पर रिलीज होगी, और इसमें विजय सेतुपती और नवाजुद्दीन सिद्दीकी भी नजर आएंगे. | संक्षिप्त पाठ: 29 नंबर को रिलीज हुई है '2.0'
शंकर ने किया है फिल्म को डायरेक्ट
'2.0' का नया सॉन्ग हुआ रिलीज | 30 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: प्रभावी लोकपाल की मांग को लेकर तिहाड़ जेल में मंगलवार से अनशन पर बैठे अन्ना हजारे के समर्थन में देश भर में विरोध प्रदर्शनों का सिलसिला बुधवार को भी जारी रहा। दिल्ली सहित देश के कोने-कोने में उनके समर्थन में लोग अनशन और केंद्र सरकार व दिल्ली पुलिस के तानाशाह रवैये के विरोध में प्रदर्शन कर रहे हैं। कहीं वकीलों ने अदालती कामकाज का बहिष्कार किया है, तो कहीं छात्र, स्कूलों व कॉलेजों का बहिष्कार कर सड़कों पर उतर आए हैं। लखनऊ में करीब 200 सरकारी कर्मचारियों ने सामूहिक अवकाश लेकर अन्ना हजारे के समर्थन में जुलूस निकाला। दिल्ली में अनशन स्थल के बारे में फैसला लिए जाने तक अन्ना हजारे के जेल से बाहर आने से मना करने के बाद हजारों की संख्या में उनके समर्थक तिहाड़ जेल के बाहर जमा हो गए। सामाजिक कार्यकर्ता मेधा पाटकर ने कहा, संदेश साफ है, जनता साबित कर रही है कि देश आजाद है। यह आंदोलन का संदेश है। पूर्व पुलिस अधिकारी किरण बेदी ने भी जेल के बाहर जुटे लोगों को सम्बोधित किया। सरकारी अधिकारी, छात्र, राहगीर सभी अन्ना हजारे का समर्थन कर रहे हैं। 'मैं अन्ना हूं' लिखी हुई टोपी और कपड़े पहने जेल के बाहर जमा लोग अन्ना हजारे के समर्थन और सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं, तिरंगा लहरा रहे हैं। भीड़ के बीच देशभक्ति गाने भी सुनाई दे रहे हैं। राजौरी गार्डन के निवासी जौली बत्रा मंगलवार सुबह से ही जेल के बाहर हैं। उन्होंने कहा, यदि 74 साल के बुजुर्ग व्यक्ति को भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाने की अनुमति नहीं दी जाती, तो आप इसे लोकतंत्र नहीं कह सकते। यह तानाशाही है। उधर, उत्तरी दिल्ली के छत्रसाल स्टेडियम में भी सैकड़ों की संख्या में लोग एकत्र हैं। हरियाणा से आए छात्र अमित पाठक ने कहा, अन्ना हजारे लोगों की आवाज हैं। जब तक उन्हें उनकी शर्तों पर रिहा नहीं किया जाता, मैं पीछे नहीं हटूंगा। इससे पहले अन्ना हजारे के सहयोगी मनीष सिसौदिया ने कहा, अन्ना हजारे ने कहा है कि जब तक अनशन के लिए स्थान का मुद्दा हल नहीं हो जाता, वह जेल से बाहर नहीं निकलेंगे। मध्य प्रदेश के जबलपुर उच्च न्यायालय के वकीलों ने बुधवार को काम न करने का ऐलान किया। उच्च न्यायालय बार एसोसिएशन के आह्वान पर अधिवक्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर एक दिन के अवकाश पर रहने का निर्णय लिया। बार एसोसिएशन ने अन्ना हजारे के आंदोलन को जनहित में उठाया गया कदम करार देते हुए भ्रष्टाचार को जड़ से मिटाने के लिए जन लोकपाल विधेयक को जरूरी बताया। उधर, भ्रष्टाचार के खिलाफ अन्ना हजारे की मुहिम के समर्थन में ओडिशा की विभिन्न अदालतों में कामकाज पर असर देखा गया। छात्रों ने स्कूल व कॉलेजों का बहिष्कार किया। कटक स्थित उड़ीसा उच्च न्यायालय सहित विभिन्न अदालतों में कामकाज ठप्प रहा। वकीलों ने हाथों पर काली पट्टियां बांधकर अन्ना हजारे की गिरफ्तारी के विरोध में प्रदर्शन किया। उड़ीसा उच्च न्यायालय बार एसोसिएशन के सचिव लालातेंदु सामंत्रेय ने अन्ना हजारे की गिरफ्तारी को 'अलोकतांत्रिक' करार दिया। राज्य के दूसरे हिस्सों में भी प्रदर्शन हुए, जिसमें स्वतंत्रता सेनानियों, पूर्व न्यायाधीशों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, पत्रकारों और छात्रों ने शिरकत की। कई स्थानों पर छात्रों ने स्कूल, कॉलेजों का बहिष्कार किया और अन्ना हजारे के समर्थन में प्रदर्शन तथा जुलूस निकाला। बिहार के करीब सभी जिलों में बुधवार को भी आंदोलनों का सिलसिला जारी रहा। पटना में जहां बड़ी संख्या में लोगों ने धरना दिया और अनशन किया, वहीं चिकित्सकों ने भी उनके समर्थन में रैली निकाली। पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान के पास कारगिल चौक पर इंडिया अगेंस्ट करप्शन, समाजवादी विचार मंच, राष्ट्रीय योजना, दुर्गा दस्ते के बैनर तले सैकड़ों लोगों ने धरना दिया तथा अनशन पर बैठे। इससे पहले पटना के चिकित्सकों ने डाक बंगला चौराहे से मार्च निकाला। चिकित्सक अमूल्य कुमार ने कहा कि जीवन में पहली बार भ्रष्टाचार के खिलाफ आंदोलन शुरू हुआ है, जिसमें शामिल होने से गर्व महसूस हो रहा है। मुजफ्फरपुर में भी अन्ना हजारे के समर्थन में वकीलों ने अदालत के कामकाज का बहिष्कार किया। सीवान, छपरा, बेतिया, मोतिहारी, भागलपुर, सासाराम, रक्सौल में भी अन्ना हजारे के समर्थक प्रदर्शन कर रहे हैं। उत्तर प्रदेश के राज्य कर्मचारी सामूहिक अवकाश लेकर अन्ना हजारे के समर्थन में उतर आये हैं। वहीं अन्ना के समर्थन में लखनऊ में आमरण अनशन करने वालों की संख्या बढ़कर 16 हो गई है। राज्य संयुक्त कर्मचारी परिषद के बैनर तले करीब 200 राज्य कर्मचारियों ने बुधवार को सामूहिक अवकाश लेकर अन्ना के समर्थन में जुलूस निकाला। छत्तीसगढ़ में भी लगातार दूसरे दिन बुधवार को बड़ी तादाद में लोग विरोध प्रदर्शन के लिए घरों से निकले। राज्य के रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग, जगदलपुर, अम्बिकापुर, के अलावा औद्योगिक शहर कोरबा, रायगढ़ और भिलाई में प्रदर्शन स्थलों पर भारी संख्या में लोग पहुंचे। उल्लेखनीय है कि 74 वर्षीय अन्ना हजारे को जन लोकपाल विधेयक की मांग को लेकर अनशन शुरू करने से पहले ही मंगलवार को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया गया। इस पर सारे देश में विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए। इसके बाद शाम को सरकार ने अपना रुख पलटते हुए अन्ना हजारे को रिहा कर दिया गया, लेकिन उन्होंने तब तक जेल से बाहर आने से इनकार कर दिया जब तक कि उन्हें बिना शर्त अनशन जारी रखने की इजाजत नहीं मिल जाती। | अन्ना हजारे के समर्थन में कहीं वकीलों ने अदालती कामकाज का बहिष्कार किया, तो कहीं छात्र, स्कूलों व कॉलेजों का बहिष्कार कर सड़कों पर उतर आए हैं। | 34 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित बस्तर क्षेत्र में शुक्रवार को नक्सलियों ने 16 सदस्यीय पुलिस गश्ती दल पर घात लगाकर हमला किया जिसमें छह पुलिसकर्मी शहीद हो गए और अन्य पांच घायल हो गए। अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक रामनिवास ने बताया, "हथियारों से लैस नक्सलियों ने जिला पुलिस बल के हमारे जवानों पर सुनियोजित तरीके से हमला किया।" उन्होंने कहा कि नक्सलियों ने पहले विस्फोट किया फिर 16 सदस्यीय जिला पुलिस के दस्ते पर गोलीबारी की। उस समय ये जवान आठ मोटरसाइकिलों पर नेतानगर गांव से लौट रहे थे। ज्ञात हो कि नक्सलियों ने गुरुवार रात नेतानगर स्थित वन विभाग के विश्रामगृह के एक हिस्से को क्षतिग्रस्त कर दिया था। पुलिस अधीक्षक (बस्तर जिला) रतनलाल डांगी अतिरिक्त पुलिस बल को लेकर हमला स्थल के लिए रवाना हो गए। यह स्थल राजधानी रायपुर से करीब 300 किलोमीटर दक्षिण में है। पुलिस को अभी पुख्ता जानकारी नहीं है कि नक्सलियों ने शहीद हुए जवानों के शस्त्र भी लूट ले गए या नहीं। ये नक्सली प्रतिबंधित संगठन मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) के सदस्य बताए जाते हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि राज्य में नवम्बर 2000 से लेकर अब तक नक्सली हिंसा में 2,000 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं। | संक्षिप्त पाठ: छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित बस्तर क्षेत्र में शुक्रवार को नक्सलियों ने 16 सदस्यीय पुलिस गश्ती दल पर घात लगाकर हमला किया। | 27 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: झारखंड के मुख्यमंत्री रघुबर दास ने केंद्र से आग्रह किया है कि 5 से 18 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों को शिक्षा के अधिकार (आरटीई) के दायरे में लाया जाए। उन्होंने कहा कि इससे बाल विवाह पर लगाम लगाने में मदद मिलेगी।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में आयोजित 11वें अंतर राज्यीय परिषद की बैठक में झारखंड के मुख्यमंत्री ने यह भी सुझाव दिया कि कौशल विकास से जुड़ी जानकारियां आठवीं कक्षा से ही शामिल किया जाए ताकि बच्चे 12वीं कक्षा पूरी करते हुए अपनी रुचि के क्षेत्र में विशेषज्ञता हासिल कर सके।टिप्पणियां
उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि केंद्र राज्यों में मदरसों को आधुनिक शिक्षा प्रणाली से जोड़े। (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में आयोजित 11वें अंतर राज्यीय परिषद की बैठक में झारखंड के मुख्यमंत्री ने यह भी सुझाव दिया कि कौशल विकास से जुड़ी जानकारियां आठवीं कक्षा से ही शामिल किया जाए ताकि बच्चे 12वीं कक्षा पूरी करते हुए अपनी रुचि के क्षेत्र में विशेषज्ञता हासिल कर सके।टिप्पणियां
उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि केंद्र राज्यों में मदरसों को आधुनिक शिक्षा प्रणाली से जोड़े। (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि केंद्र राज्यों में मदरसों को आधुनिक शिक्षा प्रणाली से जोड़े। (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | यह एक सारांश है: झारखंड के सीएम रघुबर दास ने राज्यीय परिषद की बैठक में दिया सुझाव।
कहा- 'पांच से 18 साल तक के बच्चों को आरटीई के दायरे में लिया जाए।'
उन्होंने कहा कि इससे बालविवाह रोकने में मदद मिलेगी। | 24 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: ऑस्ट्रेलिया के समुद्री तट पर दो सैलानियों पर हिंसक हमला करने के आरोपी को 22 साल के कारावास की सजा सुनाई गई. रोमन हेन्ज को इससे पहले अश्लीलता समेत छह मामलों में दोषी पाया गया था. इसके अलावा 2016 के दौरान उसे दक्षिण आस्ट्रेलिया में दो युवतियों पर हमला करने और उनके अपहरण करने को दोषी करार दिया गया था. हमले के दौरान उसने एक महिला का यौन शोषण भी किया था. उसने युवती के मित्र के सिर पर हथौड़ा मारने से पहले चार पहिया वाहन से उसे कुचलने का भी प्रयास किया था.
दक्षिण ऑस्ट्रेलिया की उच्चतम अदालत के न्यायाधीश तारिश केली ने बुधवार को हेन्ज को सजा सुनाई और उसे ‘पूरी तरह से विकृत’ मानसिकता का बताया. इसके अलावा उन्होंने ब्राजील और जर्मनी की महिलाओं पर हिंसक हमला करने और पूर्व के आरोपों का दोषी करार देते हुए उसे 22 साल के कारावास की सजा सुनाई. न्यायालय के आदेश के अनुसार उन्हें 17 साल बाद ही पैरोल मिल सकेगी.
दक्षिण ऑस्ट्रेलिया की उच्चतम अदालत के न्यायाधीश तारिश केली ने बुधवार को हेन्ज को सजा सुनाई और उसे ‘पूरी तरह से विकृत’ मानसिकता का बताया. इसके अलावा उन्होंने ब्राजील और जर्मनी की महिलाओं पर हिंसक हमला करने और पूर्व के आरोपों का दोषी करार देते हुए उसे 22 साल के कारावास की सजा सुनाई. न्यायालय के आदेश के अनुसार उन्हें 17 साल बाद ही पैरोल मिल सकेगी. | संक्षिप्त पाठ: आस्ट्रेलिया के समुद्री तट पर दो सैलानियों पर हिंसक हमला
आरोपी को 22 साल के कारावास की सजा सुनाई गयी
हमले के दौरान उसने एक महिला का यौन शोषण भी किया था | 14 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: रेडियो पर मन की बात कार्यक्रम से एक तरफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी साधारण से साधारण मुद्दों पर देश के लोगों से बात करते हैं और उनके विचार जानते हैं, वहीं यह कार्यक्रम ऑल इंडिया रेडियो के लिए फायदेमंद साबित हो रहा है. आकाशवाणी ने पिछले दो साल के भीतर इस कार्यक्रम के माध्यम से 10 करोड़ रुपये की कमाई अर्जित की है.
सूचना और प्रसारण राज्यमंत्री कर्नल राज्यवर्द्धन सिंह राठौड़ ने लोकसभा में लिखित उत्तर में इस बात की जानकारी दी. उन्होंने सदन को बताया कि साल 2016-17 में इस कार्यक्रम के माध्यम से रेडियो को 5.19 करोड़ और उससे पहले साल 4.78 करोड़ का राजस्व हासिल किया.
राठौड़ ने बताया कि प्रत्येक महीने का आखिरी रविवार को प्रसारित होने वाले मन की बात कार्यक्रम का 18 क्षेत्रीय भाषाओं में प्रसारण किया जाता है. अब इसको अंग्रेजी और संस्कृत में भी प्रसारित किया जाने लगा है. टिप्पणियां
उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम से रेडियो के दिन फिर से सुधरने लगे हैं. इंटरनेट और शॉर्ट वेब ट्रांसमीटर के माध्यम से यह कार्यक्रम विदेशों में भी लोकप्रिय हो रहा है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस कार्यक्रम को 3 अक्टूबर, 2014 को शुरू किया था.
इसके अलावा सूचना एवं प्रसारण राज्यमंत्री ने बताया कि आकाशवाणी के लिए समाचार एजेंसी पीटीआई और यूएनआई की सेवाएं बंद करने की कोई योजना नहीं है. आकाशवाणी का समाचार सेवा प्रभाग इस समय पीटीआई और यूएनआई समाचार एजेंसियों की सेवाएं ले रहा है. प्रयोग के तौर पर हिन्दुस्तान समाचार की नि:शुल्क सेवाएं भी ली जा रही हैं
सूचना और प्रसारण राज्यमंत्री कर्नल राज्यवर्द्धन सिंह राठौड़ ने लोकसभा में लिखित उत्तर में इस बात की जानकारी दी. उन्होंने सदन को बताया कि साल 2016-17 में इस कार्यक्रम के माध्यम से रेडियो को 5.19 करोड़ और उससे पहले साल 4.78 करोड़ का राजस्व हासिल किया.
राठौड़ ने बताया कि प्रत्येक महीने का आखिरी रविवार को प्रसारित होने वाले मन की बात कार्यक्रम का 18 क्षेत्रीय भाषाओं में प्रसारण किया जाता है. अब इसको अंग्रेजी और संस्कृत में भी प्रसारित किया जाने लगा है. टिप्पणियां
उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम से रेडियो के दिन फिर से सुधरने लगे हैं. इंटरनेट और शॉर्ट वेब ट्रांसमीटर के माध्यम से यह कार्यक्रम विदेशों में भी लोकप्रिय हो रहा है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस कार्यक्रम को 3 अक्टूबर, 2014 को शुरू किया था.
इसके अलावा सूचना एवं प्रसारण राज्यमंत्री ने बताया कि आकाशवाणी के लिए समाचार एजेंसी पीटीआई और यूएनआई की सेवाएं बंद करने की कोई योजना नहीं है. आकाशवाणी का समाचार सेवा प्रभाग इस समय पीटीआई और यूएनआई समाचार एजेंसियों की सेवाएं ले रहा है. प्रयोग के तौर पर हिन्दुस्तान समाचार की नि:शुल्क सेवाएं भी ली जा रही हैं
राठौड़ ने बताया कि प्रत्येक महीने का आखिरी रविवार को प्रसारित होने वाले मन की बात कार्यक्रम का 18 क्षेत्रीय भाषाओं में प्रसारण किया जाता है. अब इसको अंग्रेजी और संस्कृत में भी प्रसारित किया जाने लगा है. टिप्पणियां
उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम से रेडियो के दिन फिर से सुधरने लगे हैं. इंटरनेट और शॉर्ट वेब ट्रांसमीटर के माध्यम से यह कार्यक्रम विदेशों में भी लोकप्रिय हो रहा है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस कार्यक्रम को 3 अक्टूबर, 2014 को शुरू किया था.
इसके अलावा सूचना एवं प्रसारण राज्यमंत्री ने बताया कि आकाशवाणी के लिए समाचार एजेंसी पीटीआई और यूएनआई की सेवाएं बंद करने की कोई योजना नहीं है. आकाशवाणी का समाचार सेवा प्रभाग इस समय पीटीआई और यूएनआई समाचार एजेंसियों की सेवाएं ले रहा है. प्रयोग के तौर पर हिन्दुस्तान समाचार की नि:शुल्क सेवाएं भी ली जा रही हैं
उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम से रेडियो के दिन फिर से सुधरने लगे हैं. इंटरनेट और शॉर्ट वेब ट्रांसमीटर के माध्यम से यह कार्यक्रम विदेशों में भी लोकप्रिय हो रहा है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस कार्यक्रम को 3 अक्टूबर, 2014 को शुरू किया था.
इसके अलावा सूचना एवं प्रसारण राज्यमंत्री ने बताया कि आकाशवाणी के लिए समाचार एजेंसी पीटीआई और यूएनआई की सेवाएं बंद करने की कोई योजना नहीं है. आकाशवाणी का समाचार सेवा प्रभाग इस समय पीटीआई और यूएनआई समाचार एजेंसियों की सेवाएं ले रहा है. प्रयोग के तौर पर हिन्दुस्तान समाचार की नि:शुल्क सेवाएं भी ली जा रही हैं
इसके अलावा सूचना एवं प्रसारण राज्यमंत्री ने बताया कि आकाशवाणी के लिए समाचार एजेंसी पीटीआई और यूएनआई की सेवाएं बंद करने की कोई योजना नहीं है. आकाशवाणी का समाचार सेवा प्रभाग इस समय पीटीआई और यूएनआई समाचार एजेंसियों की सेवाएं ले रहा है. प्रयोग के तौर पर हिन्दुस्तान समाचार की नि:शुल्क सेवाएं भी ली जा रही हैं | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: सूचना और प्रसारण राज्यमंत्री ने लोकसभा में दी जानकारी
18 क्षेत्रीय भाषाओं में प्रसारण किया जाता है मन की बात कार्यक्रम का
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 3 अक्टूबर, 2014 को शुरू किया था यह कार्यक्रम | 25 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: हाल ही में शुरू हुए टीवी सीरियल 'जोधा अकबर' को लेकर चंडीगढ़ में प्रदर्शनों का दौर शुरू हो गया है। राजपूत समुदाय से जुड़े कुछ संगठन ज़ी टीवी पर दिखाए जा रहे इस सीरियल में उनके समुदाय की छवि धूमिल करने का आरोप लगाते हुए सड़कों पर उतर आए, जिन्हें काबू करने के लिए पुलिस को बलप्रयोग करना पड़ा।टिप्पणियां
प्रदर्शनकारियों ने सीरियल के निर्माताओं पर ऐतिहासिक तथ्यों से छेड़छाड़ का आरोप भी लगाया। उनका कहना था, किसी भी निर्देशक या निर्माता को ऐतिहासिक तथ्यों से छेड़छाड़ कर किसी समुदाय का चित्रण करने का अधिकार नहीं है।
पुलिस को प्रदर्शनकारियों की भीड़ पर नियंत्रण करने के लिए लाठीचार्ज और पानी की बौछारों का सहारा लेना पड़ा। बालाजी टेलीफिल्म्स के इस सीरियल का प्रसारण ज़ी टीवी पर 18 जून से शुरू हुआ था।
प्रदर्शनकारियों ने सीरियल के निर्माताओं पर ऐतिहासिक तथ्यों से छेड़छाड़ का आरोप भी लगाया। उनका कहना था, किसी भी निर्देशक या निर्माता को ऐतिहासिक तथ्यों से छेड़छाड़ कर किसी समुदाय का चित्रण करने का अधिकार नहीं है।
पुलिस को प्रदर्शनकारियों की भीड़ पर नियंत्रण करने के लिए लाठीचार्ज और पानी की बौछारों का सहारा लेना पड़ा। बालाजी टेलीफिल्म्स के इस सीरियल का प्रसारण ज़ी टीवी पर 18 जून से शुरू हुआ था।
पुलिस को प्रदर्शनकारियों की भीड़ पर नियंत्रण करने के लिए लाठीचार्ज और पानी की बौछारों का सहारा लेना पड़ा। बालाजी टेलीफिल्म्स के इस सीरियल का प्रसारण ज़ी टीवी पर 18 जून से शुरू हुआ था। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: राजपूत समुदाय से जुड़े कुछ संगठन ज़ी टीवी पर दिखाए जा रहे इस सीरियल में उनके समुदाय की छवि धूमिल करने का आरोप लगाते हुए सड़कों पर उतर आए, जिन्हें काबू करने के लिए पुलिस को बलप्रयोग करना पड़ा। | 19 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: सरकार में डीजल के दाम तय करने को लेकर मतभेद बुधवार को उभर कर सामने आ गए, जब योजना आयोग ने डीजल के दाम को सरकारी नियंत्रण से मुक्त करने का पक्ष लिया, जबकि भारी उद्योग मंत्री प्रफुल्ल पटेल ने सरकार के सामाजिक दायित्व को देखते हुए डीजल पर सब्सिडी जारी रखने का समर्थन किया। सियाम के सालाना समारोह को संबोधित करते हुए योजना आयोग के उपाध्यक्ष मोंटेक सिंह अहलूवालिया ने कहा कि भारत को अपनी नीति का तालमेल उर्जा की वास्तविकता के साथ बिठाने की जरूरत है, क्योंकि विश्व ऐसे दौर में प्रवेश कर रहा है, जबकि ऊर्जा की लागत अधिक होगी। अहलूवालिया ने कहा, डीजल और पेट्रोल की कीमत की मौजूदा गड़बड़ी को पहले ठीक किया जाना चाहिए। सरकार ने पिछले साल जून में पेट्रोल की कीमत पर से नियंत्रण हटा लिया था, लेकिन डीजल अब भी सरकारी मूल्य नियंत्रण के साथ बेचा जा रहा है। उन्होंने कहा कि लंबे समय में सब्सिडी के साथ डीजल बेचना वहनीय नहीं होगा और हमें ऊर्जा सुरक्षा को तर्कसंगत बनाने की जरूरत है। हालांकि अहलूवालिया की टिप्पणी पर पटेल ने कहा, डीजल और पेट्रोल में फर्क बना रहेगा। यह खत्म नहीं होगा, क्योंकि हमारी सामाजिक जिम्मेदारी भी है। मंत्री ने यह भी कहा कि नीति निर्माताओं और सरकार को डीजल की परिभाषा की भी समीक्षा करने की जरूरत है, वे इसे गंदा ईंधन मानते हैं। पटेल ने कहा, पर्यावरण सुरक्षा के लिहाज से डीजल प्रौद्योगिकी को लेकर सवाल उठाए गए, लेकिन यदि हम यूरोप और अन्य विकसित देशों को देखें तो स्पष्ट होता है कि इन देशों में यह प्रौद्योगिकी इतनी विकसित है कि पेट्रोल प्रौद्योगिकी से भी बेहतर साबित हुई है। पटेल ने इस संभावना से भी इनकार किया कि निकट भविष्य में डीजल सरकारी नियंत्रण से मुक्त हो सकता है। उन्होंने कहा, फिलहाल सरकार का डीजल मूल्य में परिवर्तन का कोई विचार नहीं है। उल्लेखनीय है कि दिल्ली में पेट्रोल की कीमत 63.70 रुपये प्रति लीटर और डीजल 41.29 रुपये प्रति लीटर है। पेट्रोल को तो सरकारी नियंत्रण से मुक्त कर दिया गया है, लेकिन डीजल के दाम अभी भी सरकार तय करती है। | योजना आयोग ने डीजल के दाम को नियंत्रण मुक्त करने का पक्ष लिया, जबकि भारी उद्योग मंत्री प्रफुल्ल पटेल ने सब्सिडी जारी रखने का समर्थन किया। | 1 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: दिल्ली के तिहाड़ जेल (Tihar Jail) में बंद अगस्ता वेस्टलैंड (Agusta westland Case) हेलीकॉप्टर खरीद मामले के बिचौलिये क्रिश्चयन मिशेल (Christian Michel) ने अपने लिए अलग से सेल की मांग की है. उसने कोर्ट से अपील की है कि उसे फिलहाल जिस सेल में रखा गया है वहां से उसे किसी ऐसे सेल में शिफ्ट किया जाए जहां वह अकेला हो. मिशेल (Christian Michel) ने कहा है कि उसे डर है कि अगर उसे अलग से सेल में नहीं रखा गया तो उसका शोषण हो सकता है. बता दें कि मिशेल क्रिश्चयन (Christian Michel) को अगस्ता वेस्टलैंड (Agusta westland Case) डील में दुबई से भारत प्रत्यार्पित करने के बाद कोर्ट ने उसे 28 दिसंबर तक न्यायिक हिरासत मे भेजा है. कोर्ट के इस आदेश के बाद से मिशेल (Christian Michel) को तिहाड़ जेल में रखा गया है. 54 वर्षीय मिशेल 3600 करोड़ रुपये के अगस्ता वेस्टलैंड (Agusta westland Case) डील घोटाला मामले का मुख्य आरोपी है.
NDTV को मिली जानकारी के मुताबिक क्रिश्चयन मिशेल ने कहा था कि वह नहीं है जानता है कि FAM और AP कौन हैं. टॉप सूत्रों ने एनडीटीवी को बताया कि वे मिशेल से जिस तरह के सहयोग की उम्मीद कर रहे थे, वैसा सहयोग नहीं मिला थी. उसने प्रत्यर्पण के करीब दो सप्ताह बाद भी कुछ खास नहीं बताया है. आपको बता दें कि मिशेल को पिछले दो सप्ताह से सीबीआई गेस्ट हाउस के रूम नंबर 2 में रखा गया है, जो तमाम लक्जरी सुविधाओं से लैस है. 16 दिसंबर को दिल्ली की एक अदालत ने क्रिश्चयन मिशेल की सीबीआई हिरासत चार दिन के लिए और बढ़ा दी. ब्रिटेन के 57 वर्षीय नागरिक मिशेल को विशेष न्यायाधीश अरविंद कुमार के सामने पेश किया गया.
जांच एजेंसी ने न्यायाधीश से कहा कि उसका सामना इस मामले के विभिन्न दस्तावेजों से कराना है. जांच एजेंसी ने और पांच दिन के लिए मिशेल की हिरासत मांगी. एजेंसी ने कहा कि आरोपी को पवन हंस इंडिया लिमिटेड के मुंबई स्थित परिसर ले जाना है, ताकि डब्ल्यूजी-30 हेलीकाप्टरों को खरीदने के लिए बातचीत के कथित प्रयास संबंधी उनकी बातों की सत्यता जांची जा सके. याद हो कि 16 दिसंबर को दिल्ली की एक अदालत ने क्रिश्चयन मिशेल की सीबीआई हिरासत चार दिन के लिए और बढ़ा दी. ब्रिटेन के 57 वर्षीय नागरिक मिशेल को विशेष न्यायाधीश अरविंद कुमार के सामने पेश किया गया. जांच एजेंसी ने न्यायाधीश से कहा कि उसका सामना इस मामले के विभिन्न दस्तावेजों से कराना है.
जांच एजेंसी ने और पांच दिन के लिए मिशेल की हिरासत मांगी. एजेंसी ने कहा कि आरोपी को पवन हंस इंडिया लिमिटेड के मुंबई स्थित परिसर ले जाना है, ताकि डब्ल्यूजी-30 हेलीकाप्टरों को खरीदने के लिए बातचीत के कथित प्रयास संबंधी उनकी बातों की सत्यता जांची जा सके. | यहाँ एक सारांश है:कोर्ट से मिशेल ने की है अपील
28 दिसंबर तक हिरासत में है मिशेल
दुबई से लाया गया था मिशेल | 4 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: 'पांच साल में मलेरिया से पहली मौत, चिकनगुनिया से पहली मौत...जबकि दिल्ली सरकार इस खतरे से सुरक्षित बाहर है पंजाब, गोवा और गुजरात जीतने के लिए.' वरिष्ठ पत्रकार शेखर गुप्ता का ट्विटर पर इतना लिखना भर था कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल हत्थे से उखड़ गए. न कोई जवाब सूझा, न ही जुबान काबू में रही, सीधा आरोप मढ़ा और हमला बोल दिया. उन्होंने ट्वीट करके कहा, 'राजनीति करनी है, खुलकर सामने आओ. पहले कांग्रेस की दलाली करते थे, अब मोदी की? ऐसे लोगों ने पत्रकारिता को गंदा किया.'
मुख्यमंत्री की बात पर मंत्री भी साथ हैं. दिल्ली के जल मंत्री कपिल मिश्रा ने एनडीटीवी से कहा, 'अगर आप पत्रकार की तरह हमसे सवाल पूछेंगे तो हम पत्रकार की तरह जवाब देंगे. अगर आप दलाल की तरह सवाल पूछेंगे, तो हम दलाल की तरह जवाब देंगे.'
केजरीवाल के इस बर्ताव पर कई संपादक भी हैरान हैं. आउट लुक हिन्दी के संपादक आलोक मेहता ने एनडीटीवी से कहा, 'केजरीवाल का आरोप दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक है. मीडिया ने केजरीवाल को बनाने में अहम भूमिका निभाई है. राष्ट्रपति को इस पर हस्तक्षेप करना चाहिए.'
सवाल ये भी है कि जब बीमारियां महामारी बन रही हों तो बजाय जरूरी कदम उठाने के केजरीवाल की बेलगाम बोली कितनी जायज है. हिन्दुस्तान टाइम्स के पॉलिटिकल एडिटर विनोद शर्मा कहते हैं, 'चिकनगुनिया और मलेरिया से हुई मौतों का सीधा संबंध उन विभागों से है, जिनका कंट्रोल दिल्ली सरकार के पास है. शेखर गुप्ता के सवाल का जवाब अरविंद केजरीवाल को संजीदगी से देना चाहिए था.'टिप्पणियां
वरिष्ठ पत्रकार एनके सिंह कहते हैं, 'शेखर गुप्ता ने ऐेसा कुछ भी नहीं कहा जो पत्रकारिता के स्थापित मूल्यों के विपरित है. केजरीवाल के जवाब से ये ज़रा भी नहीं लगता कि उनका प्रजातंत्र के प्रति सम्मान है.'
केजरीवाल की बोली पर अक्सर सवाल उठते रहे हैं. इससे पहले भी कई बार वो मीडिया पर हमला कर चुके हैं, लेकिन इस बार मुश्किल ये है कि उन्होंने ये हमला ऐसे वक्त पर किया है, जब दिल्ली में बीमारियां महामारी का रूप लेती जा रही हैं और एक वरिष्ठ पत्रकार ने एक जायज़ सवाल उठाया.
मुख्यमंत्री की बात पर मंत्री भी साथ हैं. दिल्ली के जल मंत्री कपिल मिश्रा ने एनडीटीवी से कहा, 'अगर आप पत्रकार की तरह हमसे सवाल पूछेंगे तो हम पत्रकार की तरह जवाब देंगे. अगर आप दलाल की तरह सवाल पूछेंगे, तो हम दलाल की तरह जवाब देंगे.'
केजरीवाल के इस बर्ताव पर कई संपादक भी हैरान हैं. आउट लुक हिन्दी के संपादक आलोक मेहता ने एनडीटीवी से कहा, 'केजरीवाल का आरोप दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक है. मीडिया ने केजरीवाल को बनाने में अहम भूमिका निभाई है. राष्ट्रपति को इस पर हस्तक्षेप करना चाहिए.'
सवाल ये भी है कि जब बीमारियां महामारी बन रही हों तो बजाय जरूरी कदम उठाने के केजरीवाल की बेलगाम बोली कितनी जायज है. हिन्दुस्तान टाइम्स के पॉलिटिकल एडिटर विनोद शर्मा कहते हैं, 'चिकनगुनिया और मलेरिया से हुई मौतों का सीधा संबंध उन विभागों से है, जिनका कंट्रोल दिल्ली सरकार के पास है. शेखर गुप्ता के सवाल का जवाब अरविंद केजरीवाल को संजीदगी से देना चाहिए था.'टिप्पणियां
वरिष्ठ पत्रकार एनके सिंह कहते हैं, 'शेखर गुप्ता ने ऐेसा कुछ भी नहीं कहा जो पत्रकारिता के स्थापित मूल्यों के विपरित है. केजरीवाल के जवाब से ये ज़रा भी नहीं लगता कि उनका प्रजातंत्र के प्रति सम्मान है.'
केजरीवाल की बोली पर अक्सर सवाल उठते रहे हैं. इससे पहले भी कई बार वो मीडिया पर हमला कर चुके हैं, लेकिन इस बार मुश्किल ये है कि उन्होंने ये हमला ऐसे वक्त पर किया है, जब दिल्ली में बीमारियां महामारी का रूप लेती जा रही हैं और एक वरिष्ठ पत्रकार ने एक जायज़ सवाल उठाया.
केजरीवाल के इस बर्ताव पर कई संपादक भी हैरान हैं. आउट लुक हिन्दी के संपादक आलोक मेहता ने एनडीटीवी से कहा, 'केजरीवाल का आरोप दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक है. मीडिया ने केजरीवाल को बनाने में अहम भूमिका निभाई है. राष्ट्रपति को इस पर हस्तक्षेप करना चाहिए.'
सवाल ये भी है कि जब बीमारियां महामारी बन रही हों तो बजाय जरूरी कदम उठाने के केजरीवाल की बेलगाम बोली कितनी जायज है. हिन्दुस्तान टाइम्स के पॉलिटिकल एडिटर विनोद शर्मा कहते हैं, 'चिकनगुनिया और मलेरिया से हुई मौतों का सीधा संबंध उन विभागों से है, जिनका कंट्रोल दिल्ली सरकार के पास है. शेखर गुप्ता के सवाल का जवाब अरविंद केजरीवाल को संजीदगी से देना चाहिए था.'टिप्पणियां
वरिष्ठ पत्रकार एनके सिंह कहते हैं, 'शेखर गुप्ता ने ऐेसा कुछ भी नहीं कहा जो पत्रकारिता के स्थापित मूल्यों के विपरित है. केजरीवाल के जवाब से ये ज़रा भी नहीं लगता कि उनका प्रजातंत्र के प्रति सम्मान है.'
केजरीवाल की बोली पर अक्सर सवाल उठते रहे हैं. इससे पहले भी कई बार वो मीडिया पर हमला कर चुके हैं, लेकिन इस बार मुश्किल ये है कि उन्होंने ये हमला ऐसे वक्त पर किया है, जब दिल्ली में बीमारियां महामारी का रूप लेती जा रही हैं और एक वरिष्ठ पत्रकार ने एक जायज़ सवाल उठाया.
सवाल ये भी है कि जब बीमारियां महामारी बन रही हों तो बजाय जरूरी कदम उठाने के केजरीवाल की बेलगाम बोली कितनी जायज है. हिन्दुस्तान टाइम्स के पॉलिटिकल एडिटर विनोद शर्मा कहते हैं, 'चिकनगुनिया और मलेरिया से हुई मौतों का सीधा संबंध उन विभागों से है, जिनका कंट्रोल दिल्ली सरकार के पास है. शेखर गुप्ता के सवाल का जवाब अरविंद केजरीवाल को संजीदगी से देना चाहिए था.'टिप्पणियां
वरिष्ठ पत्रकार एनके सिंह कहते हैं, 'शेखर गुप्ता ने ऐेसा कुछ भी नहीं कहा जो पत्रकारिता के स्थापित मूल्यों के विपरित है. केजरीवाल के जवाब से ये ज़रा भी नहीं लगता कि उनका प्रजातंत्र के प्रति सम्मान है.'
केजरीवाल की बोली पर अक्सर सवाल उठते रहे हैं. इससे पहले भी कई बार वो मीडिया पर हमला कर चुके हैं, लेकिन इस बार मुश्किल ये है कि उन्होंने ये हमला ऐसे वक्त पर किया है, जब दिल्ली में बीमारियां महामारी का रूप लेती जा रही हैं और एक वरिष्ठ पत्रकार ने एक जायज़ सवाल उठाया.
वरिष्ठ पत्रकार एनके सिंह कहते हैं, 'शेखर गुप्ता ने ऐेसा कुछ भी नहीं कहा जो पत्रकारिता के स्थापित मूल्यों के विपरित है. केजरीवाल के जवाब से ये ज़रा भी नहीं लगता कि उनका प्रजातंत्र के प्रति सम्मान है.'
केजरीवाल की बोली पर अक्सर सवाल उठते रहे हैं. इससे पहले भी कई बार वो मीडिया पर हमला कर चुके हैं, लेकिन इस बार मुश्किल ये है कि उन्होंने ये हमला ऐसे वक्त पर किया है, जब दिल्ली में बीमारियां महामारी का रूप लेती जा रही हैं और एक वरिष्ठ पत्रकार ने एक जायज़ सवाल उठाया.
केजरीवाल की बोली पर अक्सर सवाल उठते रहे हैं. इससे पहले भी कई बार वो मीडिया पर हमला कर चुके हैं, लेकिन इस बार मुश्किल ये है कि उन्होंने ये हमला ऐसे वक्त पर किया है, जब दिल्ली में बीमारियां महामारी का रूप लेती जा रही हैं और एक वरिष्ठ पत्रकार ने एक जायज़ सवाल उठाया. | यह एक सारांश है: शेखर गुप्ता ने चिकनगुनिया से मौत को लेकर किया था ट्वीट
अरविंद केजरीवाल ने शेखर गुप्ता के लिए की अभद्र टिप्पणी
केजरीवाल के इस बर्ताव पर कई वरिष्ठ पत्रकारों ने जताई नाराजगी | 24 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: भोजपुरी सिनेमा (Bhojpuri Cinema) का सबसे मशहूर सॉन्ग 'रिंकिया के पापा' (Rinkiya ke Papa) से कभी मनोज तिवारी (Manoj Tiwari) ने अपने आवाज से तूफान मचा दिया था. अब एक बार फिर इंटरनेट पर सनसनी मचाना शुरू कर दिया है. वजह है नाइजीरियन सिंगर सैमुअल सिंह (Samuel Singh Nigerian Singer) ने मनोज तिवारी के गाने को अपने अंदाज में नए तरीके से गाया है. सैमुअल ने कुछ इस तरीके से आवाज दी कि लोगों को काफी पसंद आ रहा है. यही वजह है कि 'रिंकिया के पापा' (Rinkiya ke Papa) सॉन्ग कुछ ही मिनटों पर इंटरनेट पर धमाल मचा रहा है. मनोज तिवारी का ये गाना एवरग्रीन रहा है और आज भी लोगों के दिलों में अपनी छाप छोड़ा है.
मनोज तिवारी ने 'रिंकिया के पापा' (Rinkiya ke Papa) सॉन्ग को साल 2002 में गाया था. हालांकि जब यह गाना मार्केट में आया था तो लोग इसके बोल को काफी अजीब बता रहे थे और इसी वजह से लोगों ने इस गाने को खूब सुना. नाइजीरियन सिंगर सैमुअल सिंह की बात करें तो उनके एक हाथ में कैंसर था, जिसकी वजह से उसे उनके शरीर से अलग करना पड़ा. अब वह नई तरकीब अपनाते हुए ऐसे गाने को अपना वर्जन दे रहे हैं. इंडिया के अलावा उन्हें नाइजीरिया में भी काफी पसंद किया जा रहा है. इसे अभी तक करीब 9 लाख बार देखा जा चुका है. उन्होंने इस गाने को अपने ऑफिशियल यूट्यूब चैनल पर रिलीज किया है.
सैमुअल सिंह न सिर्फ भोजपुरी गाने की रीमेक करते हैं बल्कि बॉलीवुड और पंजाबी गाने का भी रीमेक सॉन्ग अपने अंदाज में बनाते हैं. पिछले दिनों उन्होंने पंजाबी सिंगर कमल कहलोन और परम सिंह का सॉन्ग 'दारू बदनाम' का रीमेक बनाया था. इतना ही नहीं, जब एक कॉन्सर्ट में नेहा कक्कड़ नाइजिरिया पहुंची थी तो उसका लाइव वीडियो भी अपने यूट्यूब पर शेयर किया था. | सारांश: मनोज तिवारी का मशहूर सॉन्ग
भोजपुरी गाने का नया वर्जन
यूट्यूब पर हुआ वायरल | 5 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: मथुरा के पूर्व सांसद और रालोद नेता जयंत चौधरी गुरुवार को यहां एक गांव में एक बैठक को संबोधित करते समय अचानक मंच पर गिरे और बेहोश हो गए जिसके बाद उन्हें दिल्ली ले जाया गया.
रालोद के मथुरा में प्रवक्ता पवन चतुर्वेदी ने बताया कि कोसीकलां गांव में मंडी समिति में लोगों को संबोधित करने के लिए चौधरी जैसे ही खड़े हुए, वह मंच पर गिर पड़े.टिप्पणियां
चतुर्वेदी ने कहा, "उन्हें तत्काल दिल्ली में अस्पताल ले जाया गया." उन्होंने बताया कि बैठक रद्द कर दी गई. चौधरी ने कोतवां से कोसीकलां गांव तक 15 किमी पैदल रैली निकाली थी जिस दौरान उन्होंने किसानों से संबंधित मुद्दे उठाए थे. इसी रैली की समापन बैठक को चौधरी संबोधित कर रहे थे. (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
रालोद के मथुरा में प्रवक्ता पवन चतुर्वेदी ने बताया कि कोसीकलां गांव में मंडी समिति में लोगों को संबोधित करने के लिए चौधरी जैसे ही खड़े हुए, वह मंच पर गिर पड़े.टिप्पणियां
चतुर्वेदी ने कहा, "उन्हें तत्काल दिल्ली में अस्पताल ले जाया गया." उन्होंने बताया कि बैठक रद्द कर दी गई. चौधरी ने कोतवां से कोसीकलां गांव तक 15 किमी पैदल रैली निकाली थी जिस दौरान उन्होंने किसानों से संबंधित मुद्दे उठाए थे. इसी रैली की समापन बैठक को चौधरी संबोधित कर रहे थे. (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
चतुर्वेदी ने कहा, "उन्हें तत्काल दिल्ली में अस्पताल ले जाया गया." उन्होंने बताया कि बैठक रद्द कर दी गई. चौधरी ने कोतवां से कोसीकलां गांव तक 15 किमी पैदल रैली निकाली थी जिस दौरान उन्होंने किसानों से संबंधित मुद्दे उठाए थे. इसी रैली की समापन बैठक को चौधरी संबोधित कर रहे थे. (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | यहाँ एक सारांश है:बैठक को संबोधित करते वक्त अचानक गिरे मथुरा के पूर्व सांसद जयंत चौधरी.
बैठक से पहले चौधरी ने 15 किलोमीटर की पैदल रैली निकाली थी.
उन्हें इलाज के लिए दिल्ली ले जाया गया है. | 18 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: दिल्ली उच्च न्यायालय ने दो भारतीय मछुआरों की हत्या के आरोपी इटली के दो मरीनों पर मुकदमा चलाने का दायित्व यहां की पटियाला हाउस अदालत के मुख्य मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट को सौंपा है।
उच्च न्यायालय से संबंधित आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, मुख्य मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट अमित बंसल मामले की सुनवाई करेंगे।
उच्चतम न्यायालय के 18 जनवरी के निर्देशों के अनुरूप केंद्र ने 23 मार्च को दिल्ली उच्च न्यायालय से दोनों इतालवी मरीनों..मैसिमिलियानो लैटोर और सल्वाटोर गिरोन पर मुकदमा चलाने के लिए एक विशेष अदालत का गठन करने को कहा था।
इटली के दोनों आरोपी मरीन 22 मार्च को भारत लौट आए थे, जिन्हें उच्चतम न्यायालय ने चार हफ्ते के लिए स्वदेश जाने की अनुमति दी थी, ताकि वे अपने यहां आम चुनाव में मतदान में शामिल हो सकें ।
उच्चतम न्यायालय ने इटली सरकार के इस तर्क को खारिज कर दिया था कि इन मरीनों पर मुकदमा चलाने का मामला भारतीय अदालतों के अधिकार क्षेत्र में नहीं आता। न्यायालय ने आरोपियों को दिल्ली स्थानांतरित किए जाने और उन्हें केंद्र द्वारा विशेष अदालत का गठन किए जाने तक अपनी ‘हिरासत’ में रखने का निर्देश दिया था । टिप्पणियां
शीर्ष अदालत ने 22 फरवरी को सरकार से पूछा था कि वह दोनों मरीनों पर मुकदमे के लिए विशेष अदालत के गठन के मुद्दे पर अपने कदम क्यों खींच रही है।
इसने विशेष अदालत की स्थापना के लिए प्रधान न्यायाधीश से सलाह मशविरा करने के इसके 18 जनवरी के आदेश का पालन नहीं करने के केंद्र के रुख पर भी आपत्ति जताई थी।
उच्च न्यायालय से संबंधित आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, मुख्य मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट अमित बंसल मामले की सुनवाई करेंगे।
उच्चतम न्यायालय के 18 जनवरी के निर्देशों के अनुरूप केंद्र ने 23 मार्च को दिल्ली उच्च न्यायालय से दोनों इतालवी मरीनों..मैसिमिलियानो लैटोर और सल्वाटोर गिरोन पर मुकदमा चलाने के लिए एक विशेष अदालत का गठन करने को कहा था।
इटली के दोनों आरोपी मरीन 22 मार्च को भारत लौट आए थे, जिन्हें उच्चतम न्यायालय ने चार हफ्ते के लिए स्वदेश जाने की अनुमति दी थी, ताकि वे अपने यहां आम चुनाव में मतदान में शामिल हो सकें ।
उच्चतम न्यायालय ने इटली सरकार के इस तर्क को खारिज कर दिया था कि इन मरीनों पर मुकदमा चलाने का मामला भारतीय अदालतों के अधिकार क्षेत्र में नहीं आता। न्यायालय ने आरोपियों को दिल्ली स्थानांतरित किए जाने और उन्हें केंद्र द्वारा विशेष अदालत का गठन किए जाने तक अपनी ‘हिरासत’ में रखने का निर्देश दिया था । टिप्पणियां
शीर्ष अदालत ने 22 फरवरी को सरकार से पूछा था कि वह दोनों मरीनों पर मुकदमे के लिए विशेष अदालत के गठन के मुद्दे पर अपने कदम क्यों खींच रही है।
इसने विशेष अदालत की स्थापना के लिए प्रधान न्यायाधीश से सलाह मशविरा करने के इसके 18 जनवरी के आदेश का पालन नहीं करने के केंद्र के रुख पर भी आपत्ति जताई थी।
उच्चतम न्यायालय के 18 जनवरी के निर्देशों के अनुरूप केंद्र ने 23 मार्च को दिल्ली उच्च न्यायालय से दोनों इतालवी मरीनों..मैसिमिलियानो लैटोर और सल्वाटोर गिरोन पर मुकदमा चलाने के लिए एक विशेष अदालत का गठन करने को कहा था।
इटली के दोनों आरोपी मरीन 22 मार्च को भारत लौट आए थे, जिन्हें उच्चतम न्यायालय ने चार हफ्ते के लिए स्वदेश जाने की अनुमति दी थी, ताकि वे अपने यहां आम चुनाव में मतदान में शामिल हो सकें ।
उच्चतम न्यायालय ने इटली सरकार के इस तर्क को खारिज कर दिया था कि इन मरीनों पर मुकदमा चलाने का मामला भारतीय अदालतों के अधिकार क्षेत्र में नहीं आता। न्यायालय ने आरोपियों को दिल्ली स्थानांतरित किए जाने और उन्हें केंद्र द्वारा विशेष अदालत का गठन किए जाने तक अपनी ‘हिरासत’ में रखने का निर्देश दिया था । टिप्पणियां
शीर्ष अदालत ने 22 फरवरी को सरकार से पूछा था कि वह दोनों मरीनों पर मुकदमे के लिए विशेष अदालत के गठन के मुद्दे पर अपने कदम क्यों खींच रही है।
इसने विशेष अदालत की स्थापना के लिए प्रधान न्यायाधीश से सलाह मशविरा करने के इसके 18 जनवरी के आदेश का पालन नहीं करने के केंद्र के रुख पर भी आपत्ति जताई थी।
इटली के दोनों आरोपी मरीन 22 मार्च को भारत लौट आए थे, जिन्हें उच्चतम न्यायालय ने चार हफ्ते के लिए स्वदेश जाने की अनुमति दी थी, ताकि वे अपने यहां आम चुनाव में मतदान में शामिल हो सकें ।
उच्चतम न्यायालय ने इटली सरकार के इस तर्क को खारिज कर दिया था कि इन मरीनों पर मुकदमा चलाने का मामला भारतीय अदालतों के अधिकार क्षेत्र में नहीं आता। न्यायालय ने आरोपियों को दिल्ली स्थानांतरित किए जाने और उन्हें केंद्र द्वारा विशेष अदालत का गठन किए जाने तक अपनी ‘हिरासत’ में रखने का निर्देश दिया था । टिप्पणियां
शीर्ष अदालत ने 22 फरवरी को सरकार से पूछा था कि वह दोनों मरीनों पर मुकदमे के लिए विशेष अदालत के गठन के मुद्दे पर अपने कदम क्यों खींच रही है।
इसने विशेष अदालत की स्थापना के लिए प्रधान न्यायाधीश से सलाह मशविरा करने के इसके 18 जनवरी के आदेश का पालन नहीं करने के केंद्र के रुख पर भी आपत्ति जताई थी।
उच्चतम न्यायालय ने इटली सरकार के इस तर्क को खारिज कर दिया था कि इन मरीनों पर मुकदमा चलाने का मामला भारतीय अदालतों के अधिकार क्षेत्र में नहीं आता। न्यायालय ने आरोपियों को दिल्ली स्थानांतरित किए जाने और उन्हें केंद्र द्वारा विशेष अदालत का गठन किए जाने तक अपनी ‘हिरासत’ में रखने का निर्देश दिया था । टिप्पणियां
शीर्ष अदालत ने 22 फरवरी को सरकार से पूछा था कि वह दोनों मरीनों पर मुकदमे के लिए विशेष अदालत के गठन के मुद्दे पर अपने कदम क्यों खींच रही है।
इसने विशेष अदालत की स्थापना के लिए प्रधान न्यायाधीश से सलाह मशविरा करने के इसके 18 जनवरी के आदेश का पालन नहीं करने के केंद्र के रुख पर भी आपत्ति जताई थी।
शीर्ष अदालत ने 22 फरवरी को सरकार से पूछा था कि वह दोनों मरीनों पर मुकदमे के लिए विशेष अदालत के गठन के मुद्दे पर अपने कदम क्यों खींच रही है।
इसने विशेष अदालत की स्थापना के लिए प्रधान न्यायाधीश से सलाह मशविरा करने के इसके 18 जनवरी के आदेश का पालन नहीं करने के केंद्र के रुख पर भी आपत्ति जताई थी।
इसने विशेष अदालत की स्थापना के लिए प्रधान न्यायाधीश से सलाह मशविरा करने के इसके 18 जनवरी के आदेश का पालन नहीं करने के केंद्र के रुख पर भी आपत्ति जताई थी। | संक्षिप्त सारांश: दिल्ली उच्च न्यायालय ने दो भारतीय मछुआरों की हत्या के आरोपी इटली के दो मरीनों पर मुकदमा चलाने का दायित्व यहां की पटियाला हाउस अदालत के मुख्य मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट को सौंपा है। | 8 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: पाकिस्तान के कई कैदियों को सजा पूरा करने के बावजूद अधिक समय तक भारतीय जेल में बंद रखने पर उच्चतम न्यायालय ने मंगलवार को केंद्र सरकार की खिंचाई की। उच्चतम न्यायालय ने कहा, ‘सरकार की ओर से पूरी तरह से निष्क्रियता और शिथिलता बरती गई है।’
शीर्ष न्यायालय में न्यायमूर्ति आरएम लोढा और न्यायमूर्ति एचएल गोखले की पीठ ने कहा, ‘हम सजा पूरा करने के बावजूद जेल में बंद रखे जाने वाले लोगों की स्वतंत्रता के बारे में अधिक चिंतित हैं।’ उन्होंने इस बात पर अफसोस व्यक्त किया कि कुछ कैदियों को बिना कोई मामला दर्ज किये हिरासत में रखा गया है।
पीठ ने कहा, ‘कृपया आप इस प्रक्रिया के बारे में बतायें जिसके तहत आपने इन्हें हिरासत में लिया और इतने अधिक समय तक कैद में रखा। हम व्यापक न्याय के प्रश्न पर चिंतित हैं।’ शीर्ष न्यायालय ने संकेत दिया कि विदेशी नागरिकों को अधिक समय तक जेल में रखना अनुच्छेद 21 के तहत विदेशी नागरिकों समेत देश के सभी लोगों को प्रदत्त जीवन एवं स्वतंत्रता के संवैधानिक अधिकार का उल्लंघन करता है।
उच्चतम न्यायालय ने अतिरिक्त सालिसिटर जनरल विवेक तनखा को सरकार की नीति के बारे में जानकारी देने को कहा। इसमें विदेशी नागरिकों से निपटने के बारे में अगर कोई नीति है तो उसकी जानकारी देने को भी कहा गया है।
शीर्ष अदालत ने कहा कि विदेशी नागरिकों के कथित तौर पर अवैध रूप से जेल में रखे जाने का मामला अदालतों में 2005 से लंबित है लेकिन सरकार ने इन्हें भेजने के लिए कोई कदम नहीं उठाया है। उच्चतम न्यायालय ने कहा कि केंद्र सरकार ने कई निर्देशों के बावजूद इस मुद्दे से निपटने में शिथिलता दिखायी। जहां इनमें से कुछ लोगों को अवैध रूप से देश में घुसने के मामले में गिरफ्तार किया गया है, वहीं कुछ अन्य को कथित विध्वंसकारी गतिविधियों के कारण गिरफ्तार किया गया।टिप्पणियां
शीर्ष अदालत ने कहा, ‘हम नहीं चाहते कि आपके नौकरशाह फाइलों को दबाये रखे और इसके बाद सो जाएं। हम सेक्शन अफिसर से कोई स्पष्टीकरण नहीं चाहते हैं। कृपया समग्र ब्यौरा दें कि क्या इस संबंध में कोई द्विपक्षीय नीति है।’ पीठ ने कहा, ‘हमें इस बात के लिए मजबूर नहीं करें कि स्पष्टीकरण के लिए वरिष्ठ अधिकारी को उपस्थित होने का समन जारी करना पड़े।’ अदालत ने कुछ कैदियों के मामले में इसे मानवाधिकारों का उल्लंघन करार दिया।
उच्च्तम न्यायालय ने भारतीय जेल में कथित तौर पर अधिक समय तक कैद कर रखे गए पाकिस्तानी और बांग्लादेशी नागरिकों से संबंधित दो अलग अलग जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए यह बात कही।
शीर्ष न्यायालय में न्यायमूर्ति आरएम लोढा और न्यायमूर्ति एचएल गोखले की पीठ ने कहा, ‘हम सजा पूरा करने के बावजूद जेल में बंद रखे जाने वाले लोगों की स्वतंत्रता के बारे में अधिक चिंतित हैं।’ उन्होंने इस बात पर अफसोस व्यक्त किया कि कुछ कैदियों को बिना कोई मामला दर्ज किये हिरासत में रखा गया है।
पीठ ने कहा, ‘कृपया आप इस प्रक्रिया के बारे में बतायें जिसके तहत आपने इन्हें हिरासत में लिया और इतने अधिक समय तक कैद में रखा। हम व्यापक न्याय के प्रश्न पर चिंतित हैं।’ शीर्ष न्यायालय ने संकेत दिया कि विदेशी नागरिकों को अधिक समय तक जेल में रखना अनुच्छेद 21 के तहत विदेशी नागरिकों समेत देश के सभी लोगों को प्रदत्त जीवन एवं स्वतंत्रता के संवैधानिक अधिकार का उल्लंघन करता है।
उच्चतम न्यायालय ने अतिरिक्त सालिसिटर जनरल विवेक तनखा को सरकार की नीति के बारे में जानकारी देने को कहा। इसमें विदेशी नागरिकों से निपटने के बारे में अगर कोई नीति है तो उसकी जानकारी देने को भी कहा गया है।
शीर्ष अदालत ने कहा कि विदेशी नागरिकों के कथित तौर पर अवैध रूप से जेल में रखे जाने का मामला अदालतों में 2005 से लंबित है लेकिन सरकार ने इन्हें भेजने के लिए कोई कदम नहीं उठाया है। उच्चतम न्यायालय ने कहा कि केंद्र सरकार ने कई निर्देशों के बावजूद इस मुद्दे से निपटने में शिथिलता दिखायी। जहां इनमें से कुछ लोगों को अवैध रूप से देश में घुसने के मामले में गिरफ्तार किया गया है, वहीं कुछ अन्य को कथित विध्वंसकारी गतिविधियों के कारण गिरफ्तार किया गया।टिप्पणियां
शीर्ष अदालत ने कहा, ‘हम नहीं चाहते कि आपके नौकरशाह फाइलों को दबाये रखे और इसके बाद सो जाएं। हम सेक्शन अफिसर से कोई स्पष्टीकरण नहीं चाहते हैं। कृपया समग्र ब्यौरा दें कि क्या इस संबंध में कोई द्विपक्षीय नीति है।’ पीठ ने कहा, ‘हमें इस बात के लिए मजबूर नहीं करें कि स्पष्टीकरण के लिए वरिष्ठ अधिकारी को उपस्थित होने का समन जारी करना पड़े।’ अदालत ने कुछ कैदियों के मामले में इसे मानवाधिकारों का उल्लंघन करार दिया।
उच्च्तम न्यायालय ने भारतीय जेल में कथित तौर पर अधिक समय तक कैद कर रखे गए पाकिस्तानी और बांग्लादेशी नागरिकों से संबंधित दो अलग अलग जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए यह बात कही।
पीठ ने कहा, ‘कृपया आप इस प्रक्रिया के बारे में बतायें जिसके तहत आपने इन्हें हिरासत में लिया और इतने अधिक समय तक कैद में रखा। हम व्यापक न्याय के प्रश्न पर चिंतित हैं।’ शीर्ष न्यायालय ने संकेत दिया कि विदेशी नागरिकों को अधिक समय तक जेल में रखना अनुच्छेद 21 के तहत विदेशी नागरिकों समेत देश के सभी लोगों को प्रदत्त जीवन एवं स्वतंत्रता के संवैधानिक अधिकार का उल्लंघन करता है।
उच्चतम न्यायालय ने अतिरिक्त सालिसिटर जनरल विवेक तनखा को सरकार की नीति के बारे में जानकारी देने को कहा। इसमें विदेशी नागरिकों से निपटने के बारे में अगर कोई नीति है तो उसकी जानकारी देने को भी कहा गया है।
शीर्ष अदालत ने कहा कि विदेशी नागरिकों के कथित तौर पर अवैध रूप से जेल में रखे जाने का मामला अदालतों में 2005 से लंबित है लेकिन सरकार ने इन्हें भेजने के लिए कोई कदम नहीं उठाया है। उच्चतम न्यायालय ने कहा कि केंद्र सरकार ने कई निर्देशों के बावजूद इस मुद्दे से निपटने में शिथिलता दिखायी। जहां इनमें से कुछ लोगों को अवैध रूप से देश में घुसने के मामले में गिरफ्तार किया गया है, वहीं कुछ अन्य को कथित विध्वंसकारी गतिविधियों के कारण गिरफ्तार किया गया।टिप्पणियां
शीर्ष अदालत ने कहा, ‘हम नहीं चाहते कि आपके नौकरशाह फाइलों को दबाये रखे और इसके बाद सो जाएं। हम सेक्शन अफिसर से कोई स्पष्टीकरण नहीं चाहते हैं। कृपया समग्र ब्यौरा दें कि क्या इस संबंध में कोई द्विपक्षीय नीति है।’ पीठ ने कहा, ‘हमें इस बात के लिए मजबूर नहीं करें कि स्पष्टीकरण के लिए वरिष्ठ अधिकारी को उपस्थित होने का समन जारी करना पड़े।’ अदालत ने कुछ कैदियों के मामले में इसे मानवाधिकारों का उल्लंघन करार दिया।
उच्च्तम न्यायालय ने भारतीय जेल में कथित तौर पर अधिक समय तक कैद कर रखे गए पाकिस्तानी और बांग्लादेशी नागरिकों से संबंधित दो अलग अलग जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए यह बात कही।
उच्चतम न्यायालय ने अतिरिक्त सालिसिटर जनरल विवेक तनखा को सरकार की नीति के बारे में जानकारी देने को कहा। इसमें विदेशी नागरिकों से निपटने के बारे में अगर कोई नीति है तो उसकी जानकारी देने को भी कहा गया है।
शीर्ष अदालत ने कहा कि विदेशी नागरिकों के कथित तौर पर अवैध रूप से जेल में रखे जाने का मामला अदालतों में 2005 से लंबित है लेकिन सरकार ने इन्हें भेजने के लिए कोई कदम नहीं उठाया है। उच्चतम न्यायालय ने कहा कि केंद्र सरकार ने कई निर्देशों के बावजूद इस मुद्दे से निपटने में शिथिलता दिखायी। जहां इनमें से कुछ लोगों को अवैध रूप से देश में घुसने के मामले में गिरफ्तार किया गया है, वहीं कुछ अन्य को कथित विध्वंसकारी गतिविधियों के कारण गिरफ्तार किया गया।टिप्पणियां
शीर्ष अदालत ने कहा, ‘हम नहीं चाहते कि आपके नौकरशाह फाइलों को दबाये रखे और इसके बाद सो जाएं। हम सेक्शन अफिसर से कोई स्पष्टीकरण नहीं चाहते हैं। कृपया समग्र ब्यौरा दें कि क्या इस संबंध में कोई द्विपक्षीय नीति है।’ पीठ ने कहा, ‘हमें इस बात के लिए मजबूर नहीं करें कि स्पष्टीकरण के लिए वरिष्ठ अधिकारी को उपस्थित होने का समन जारी करना पड़े।’ अदालत ने कुछ कैदियों के मामले में इसे मानवाधिकारों का उल्लंघन करार दिया।
उच्च्तम न्यायालय ने भारतीय जेल में कथित तौर पर अधिक समय तक कैद कर रखे गए पाकिस्तानी और बांग्लादेशी नागरिकों से संबंधित दो अलग अलग जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए यह बात कही।
शीर्ष अदालत ने कहा कि विदेशी नागरिकों के कथित तौर पर अवैध रूप से जेल में रखे जाने का मामला अदालतों में 2005 से लंबित है लेकिन सरकार ने इन्हें भेजने के लिए कोई कदम नहीं उठाया है। उच्चतम न्यायालय ने कहा कि केंद्र सरकार ने कई निर्देशों के बावजूद इस मुद्दे से निपटने में शिथिलता दिखायी। जहां इनमें से कुछ लोगों को अवैध रूप से देश में घुसने के मामले में गिरफ्तार किया गया है, वहीं कुछ अन्य को कथित विध्वंसकारी गतिविधियों के कारण गिरफ्तार किया गया।टिप्पणियां
शीर्ष अदालत ने कहा, ‘हम नहीं चाहते कि आपके नौकरशाह फाइलों को दबाये रखे और इसके बाद सो जाएं। हम सेक्शन अफिसर से कोई स्पष्टीकरण नहीं चाहते हैं। कृपया समग्र ब्यौरा दें कि क्या इस संबंध में कोई द्विपक्षीय नीति है।’ पीठ ने कहा, ‘हमें इस बात के लिए मजबूर नहीं करें कि स्पष्टीकरण के लिए वरिष्ठ अधिकारी को उपस्थित होने का समन जारी करना पड़े।’ अदालत ने कुछ कैदियों के मामले में इसे मानवाधिकारों का उल्लंघन करार दिया।
उच्च्तम न्यायालय ने भारतीय जेल में कथित तौर पर अधिक समय तक कैद कर रखे गए पाकिस्तानी और बांग्लादेशी नागरिकों से संबंधित दो अलग अलग जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए यह बात कही।
शीर्ष अदालत ने कहा, ‘हम नहीं चाहते कि आपके नौकरशाह फाइलों को दबाये रखे और इसके बाद सो जाएं। हम सेक्शन अफिसर से कोई स्पष्टीकरण नहीं चाहते हैं। कृपया समग्र ब्यौरा दें कि क्या इस संबंध में कोई द्विपक्षीय नीति है।’ पीठ ने कहा, ‘हमें इस बात के लिए मजबूर नहीं करें कि स्पष्टीकरण के लिए वरिष्ठ अधिकारी को उपस्थित होने का समन जारी करना पड़े।’ अदालत ने कुछ कैदियों के मामले में इसे मानवाधिकारों का उल्लंघन करार दिया।
उच्च्तम न्यायालय ने भारतीय जेल में कथित तौर पर अधिक समय तक कैद कर रखे गए पाकिस्तानी और बांग्लादेशी नागरिकों से संबंधित दो अलग अलग जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए यह बात कही।
उच्च्तम न्यायालय ने भारतीय जेल में कथित तौर पर अधिक समय तक कैद कर रखे गए पाकिस्तानी और बांग्लादेशी नागरिकों से संबंधित दो अलग अलग जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए यह बात कही। | संक्षिप्त पाठ: पाकिस्तान के कई कैदियों को सजा पूरा करने के बावजूद अधिक समय तक भारतीय जेल में बंद रखने पर उच्चतम न्यायालय ने केंद्र सरकार की खिंचाई की। न्यायालय ने कहा, ‘सरकार की ओर से पूरी तरह से निष्क्रियता और शिथिलता बरती गई है।’ | 13 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: मोदी सरकार (Modi Government) की नव नियुक्त महिला एवं बाल विकास राज्यमंत्री देबश्री चौधरी (Deboshree Chowdhury) ने कहा है कि 'मैं मंत्री के तौर पर सबके लिए काम करूंगी. पार्टी और सरकार अलग-अलग चीजें हैं.' उन्होंने NDTV से कहा कि पश्चिम बंगाल भारतीय जनता पार्टी (BJP) की महासचिव के तौर पर मेरा एक ही टारगेट है कि पश्चिम बंगाल में जल्द से जल्द भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनवाना.
देबश्री चौधरी (Deboshree Chowdhury) पश्चिम बंगाल (West Bengal) के रायगंज (Raiganj) से पहली बार सांसद बनीं और पहली बार में ही महिला एवं बाल विकास राज्यमंत्री बनाई गईं.
पश्चिम बंगाल से मोदी सरकार में दो राज्य मंत्री बनाए गए हैं पहले हैं बाबुल सुप्रियो और दूसरी हैं देबश्री चौधरी. वे पश्चिम बंगाल भारतीय जनता पार्टी की महासचिव भी हैं.
देबश्री चौधरी (Deboshree Chowdhury) ने NDTV से कहा कि मैं बहुत आज्ञाकारी शिष्य हूं. मेरे ऊपर कैबिनेट है. कैबिनेट जो भी फैसला करेगी, हम मिलकर उसका पालन करेंगे. उन्होंने कहा कि पिछली मोदी सरकार में महिला विकास पर बड़े पैमाने पर काम हुआ, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, उज्जवला योजना, गर्भवती महिलाओं के लिए अनुदान, जीरो बैलेंस पर खाते आदि.
देबश्री चौधरी (Deboshree Chowdhury) ने कहा कि पिछले दो दिनों से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी जिस तरह का व्यवहार कर रही हैं उसे देखकर पश्चिम बंगाल के लोग सोच रहे हैं कि ऐसा ही रहा तो हालत खराब हो जाएगी. | यह एक सारांश है: कहा- पिछली मोदी सरकार में महिला विकास पर बड़े पैमाने पर काम हुआ
कहा- कैबिनेट जो भी फैसला करेगी, हम मिलकर उसका पालन करेंगे
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के व्यवहार को लेकर उनकी आलोचना की | 16 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: हरफनमौला एंजेलो मैथ्यूज को एक साल के लिए श्रीलंकाई टेस्ट और वनडे क्रिकेट टीम का कप्तान नियुक्त किया है। वह महेला जयवर्धने की जगह लेंगे। जयवर्धने ने श्रीलंकाई टीम के ऑस्ट्रेलियाई दौरे के बाद कप्तानी छोड़ने की घोषणा की थी।टिप्पणियां
विकेटकीपर दिनेश चांदीमल को उपकप्तान बनाया गया है, जो टी-20 टीम के कप्तान होंगे। लसिथ मलिंगा टी-20 टीम के उपकप्तान होंगे। चयनकर्ताओं ने बांग्लादेश के खिलाफ अगले महीने होने वाली दो टेस्ट मैचों की शृंखला के लिए 20 खिलाड़ियों का भी चयन किया है।
अनुभवी तिलन समरवीरा, सलामी बल्लेबाज थरंगा परानविताना और विकेटकीपर प्रसन्ना जयवर्धने को टीम से बाहर कर दिया गया है। चार नए खिलाड़ियों - बल्लेबाज के वितानागे और आशीन सिल्वा, मध्यम तेज गेंदबाज दुश्मंता चामीरा और ऑफ स्पिनर थरिंडु कौशल को टीम में जगह दी गई है।
विकेटकीपर दिनेश चांदीमल को उपकप्तान बनाया गया है, जो टी-20 टीम के कप्तान होंगे। लसिथ मलिंगा टी-20 टीम के उपकप्तान होंगे। चयनकर्ताओं ने बांग्लादेश के खिलाफ अगले महीने होने वाली दो टेस्ट मैचों की शृंखला के लिए 20 खिलाड़ियों का भी चयन किया है।
अनुभवी तिलन समरवीरा, सलामी बल्लेबाज थरंगा परानविताना और विकेटकीपर प्रसन्ना जयवर्धने को टीम से बाहर कर दिया गया है। चार नए खिलाड़ियों - बल्लेबाज के वितानागे और आशीन सिल्वा, मध्यम तेज गेंदबाज दुश्मंता चामीरा और ऑफ स्पिनर थरिंडु कौशल को टीम में जगह दी गई है।
अनुभवी तिलन समरवीरा, सलामी बल्लेबाज थरंगा परानविताना और विकेटकीपर प्रसन्ना जयवर्धने को टीम से बाहर कर दिया गया है। चार नए खिलाड़ियों - बल्लेबाज के वितानागे और आशीन सिल्वा, मध्यम तेज गेंदबाज दुश्मंता चामीरा और ऑफ स्पिनर थरिंडु कौशल को टीम में जगह दी गई है। | सारांश: एंजेलो मैथ्यूज को एक साल के लिए श्रीलंकाई टेस्ट और वनडे क्रिकेट टीम का कप्तान नियुक्त किया है। विकेटकीपर दिनेश चांदीमल को उपकप्तान बनाया गया है, जो टी-20 टीम के कप्तान होंगे। | 33 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: प्याज की बढ़ी कीमतों ने रसोई के साथ मध्यप्रदेश में लोगों के सुबह के नाश्ते यानी पोहे का स्वाद भी बदल दिया है. पोहे, कचौरी की दुकानों से प्याज पूरी तरह गायब है उसकी जगह ली है मूली ने. मालवा के प्रसिद्ध पोहे पर आजकल नींबू-मूली की सजावट नज़र आती है. महंगाई में प्याज को धकेल कर यहां मूली ने जगह बनाई है लेकिन ग्राहकों को जायका, खास पसंद नहीं आ रहा. ओंकारेश्वर जाने के दौरान इंदौर के पोहे का लुत्फ उठाने रूके ग्राहक सुरेश एमजी ने कहा हम ओंकारेश्वर जा रहे थे, पोहे खाने रूके हमने प्याज मांगी तो पता लगा कि प्याज 125 रु किलो है तो दुकानदार दे नहीं सकता. पोहे का कॉम्बिनेशन प्याज के साथ ही है, ऐसे में तो पोहे का स्वाद ही चला जाएगा.
वहीं मालवेन्द्र तिवारी ने कहा प्याज सोने के भाव है, मूली डालकर दे रहे हैं... प्याज की बात अलग होती है उसके बिना इंदौर के लोग खाते नहीं हैं, काम चलाने के लिये खा रहे हैं. दुकानदार भी परेशान हैं, पोहे से महंगी प्याज है सो उपाय मूली में ढूंढ रहे हैं. पोहे की दुकान चलाने वाले कृष्णा यादव ने कहा प्याज के लगातार दाम बढ़ने के कारण पोहे में प्याज नहीं दे पा रहे हैं. विकल्प में मूली रखी है ग्राहक को समझा देते हैं पोहा सस्ता है प्याज महंगी है.
मध्यप्रदेश में प्याज थोक मंडियों में तो प्याज 60-80 रुपये तक बिक रही है लेकिन खुदरा बाजार में अब कीमतें 120 रु.प्रति किलो तक चली गई हैं. होटल और ढाबों पर सलाद के साथ मिलने वाली प्याज भी कई जगहों पर बंद हो गई है. हालांकि प्रशासन ने कीमतों को नियंत्रित करने के लिये राजधानी भोपाल में पांच जगहों पर 70 रूपये प्रति किलो की दर से प्याज बेचना भी शुरू कर दिया है. वहीं, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने मध्यप्रदेश प्याज व्यापारी (स्टॉक सीमा तथा जमाखोरी पर निर्बन्धन) आदेश 2019 में संशोधन कर कहा है अब थोक कारोबारी 250 और फुटकर विक्रेता 50 क्विंटल से ज्यादा प्याज का भंडार नहीं रख सकते हैं. | यह एक सारांश है: महंगी प्याज ने बिगाड़ा इंदौरी पोहे का स्वाद
प्याज की जगह दुकानदार यूज कर रहे मूली
लेकिन मूली से नहीं मिल रहा इंदौरी पोहे का स्वाद, लोग बोले... | 9 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: विमानन कम्पनी एयर इंडिया ने हड़ताल पर गए करीब 800 पायलटों को हड़ताल खत्म करने के लिए कहा है। कंपनी के अनुसार ऐसा न करने की स्थिति में उन्हें नौकरी से हटाया जा सकता है। इस बीच दिल्ली उच्च न्यायालय की अवमानना नोटिस के बावजूद पायलटों की हड़ताल जारी रहने के कारण विमानन कम्पनी को करीब 270 उड़ानें रद्द करनी पड़ी हैं। हड़ताल का सबसे ज्यादा असर दिल्ली और मुम्बई हवाईअड्डों पर पड़ा है। एक अधिकारी ने बताया दिल्ली से सामान्य स्थिति में 67 उड़ानों का संचालन होता लेकिन अभी केवल 15 उड़ानों का संचालन हो रहा है। एयर इंडिया के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, "उच्च न्यायालय द्वारा कल (गुरुवार) दिए गए फैसले के अनुरूप पायलट काम पर लौटें या फिर वह अवकाश का वैध कारण बताएं।" अधिकारी के मुताबिक पायलटों को शुक्रवार शाम पांच बजे तक प्रबंधन को अपना जवाब देने का समय दिया गया था। अधिकारी ने कहा, "उनके पास शाम पांच बजे तक का समय है। यदि वे बीमार हैं या बेहतर महसूस नहीं कर रहे हैं तो हम उन्हें चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराएंगे और यह मुफ्त होगी जो कि हमारी कम्पनी का नियम है।" प्रबंधन और हड़ताल पर गए पायलटों के संघ के अड़ियल रुख को देखते हुए विमानन कम्पनी ने घरेलू और क्षेत्रीय अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों के लिए टिकटों की बुकिंग स्थगित कर दी है। एयर इंडिया के एक प्रवक्ता ने कहा, "नई बुकिंग चार मई से शुरू होगी।" दिल्ली उच्च न्यायालय ने गुरुवार को पायलटों को तुरंत हड़ताल समाप्त करने का आदेश देते हुए अवमानना की प्रक्रिया शुरू करने और ऐसा नहीं करने पर संघ की सम्पत्ति जब्त करने की चेतावनी दी थी। इस बीच एयर इंडिया की उड़ानों के रद्द होने के कारण टिकट रद्द कराने वाले यात्रियों के सामने एक और मुश्किल पैदा हो गई है। उन्हें अन्य एयरलाइंस में टिकट लेने के लिए 50 से 75 प्रतिशत अधिक राशि का भुगतान करना पड़ रहा है। यात्रियों ने शिकायत की है कि दिल्ली-मुम्बई के लिए अंतिम समय में बुकिंग कराने पर आधार किराया 2400 से 3000 रुपये बनता है जो अब कुछ एयरलाइंस में 7500 रुपये तक पहुंच गया है। इस तरह सभी तरह के कर सहित एक तरफ का किराया 11,500 रुपये पड़ रहा है। भारतीय व्यावसायिक पायलट संघ के सदस्य, जो पूर्व में इंडियन एयरलाइंस के कर्मचारी थे, अपने वर्तमान साथियों के बराबर वेतन और बेहतर कार्य माहौल की मांग कर रहे हैं। इंडियन एयरलाइंस का एयर इंडिया में विलय कर दिया गया था। (कुछ अंश आईएएनएस से) | सारांश: दिल्ली उच्च न्यायालय की अवमानना नोटिस के बावजूद पायलटों की हड़ताल जारी रहने के कारण विमानन कम्पनी को 270 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं। | 7 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: नागरिकता संशोधन कानून (Citizenship Amendment Act) के खिलाफ देश भर में प्रदर्शन जारी है. मंगलवार को जामिया (Jamia) के बाद पूर्वी दिल्ली के सीलमपुर इलाके में सीएए (CAA) को लेकर जमकर बवाल हुआ. सीलमपुर इलाके में रैली निकाली गई जिस दौरान स्थानीय लोगों ने पुलिस पर पथराव किया. भीड़ से निपटने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े. वहीं, जामिया में प्रदर्शन अभी भी जारी है. कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के नेतृत्व में विपक्षी दलों के नेताओं ने मंगलवार को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मुलाकात की. जामिया मिल्लिया इस्लामिया में पुलिस कार्रवाई को लेकर विपक्ष ने न्यायिक जांच की मांग की है. बता दें कि संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) के खिलाफ देश के 10 से ज्यादा संस्थानों में प्रदर्शन हो रहा है.
इस एक्ट में मुस्लिम धर्म के लोगों को शामिल नहीं किया गया है. नागरिकता संशोधन बिल के कानून बनने के बाद अब पाकिस्तान, अफगानिस्तान, बांग्लादेश और आस-पास के देशों के हिंदू, ईसाई, सिख, पारसी, जैन और बौद्ध धर्म के वो लोग जिन्होंने 31 दिसंबर 2014 की निर्णायक तारीख तक भारत में प्रवेश कर लिया था. वे सभी भारत की नागरिकता के लिए आवेदन कर सकेंगे.
CAA में यह भी व्यवस्था की गयी है कि उनके विस्थापन या देश में अवैध निवास को लेकर उन पर पहले से चल रही कोई भी कानूनी कार्रवाई स्थायी नागरिकता के लिए उनकी पात्रता को प्रभावित नहीं करेगी. साथ ही ओसीआई कार्ड धारक यदि शर्तों का उल्लंघन करते हैं तो उनका कार्ड रद्द करने का अधिकार केंद्र को मिलेगा. | सारांश: CAA को लेकर देश भर में प्रदर्शन हो रहा है.
पूर्वी दिल्ली के सीलमपुर इलाके में सीएए को लेकर जमकर बवाल हुआ.
जामिया में प्रदर्शन अभी भी जारी है. | 20 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: क्रोएशिया के पुरुष टेनिस खिलाड़ी मारिन सिलिक ने अंतरराष्ट्रीय टेनिस महासंघ (आईटीएफ) द्वारा डोप टेस्ट में नाकाम होने पर लगा गए नौ महीने के प्रतिबंध के खिलाफ अंतराष्ट्रीय न्यायाधिकरण में अपील करने का फैसला किया है।
सिलिक ने सोमवार को जारी अपने बयान में कहा, मैं आईटीएफ के इस फैसले के खिलाफ अपील कर रहा हूं।
आईटीएफ के बयान के मुताबिक, 24 साल के सिलिक, जो कि मौजूदा समय में विश्व के 24वें वरीय खिलाड़ी हैं, पर लगा प्रतिबंध 1 मई से मान्य होगा और अब वह प्रतिस्पर्धी टेनिस में 1 फरवरी, 2014 तक ही वापसी कर सकते हैं।
इस लिहाज से सिलिक जनवरी में होने वाले साल के पहले ग्रैंड स्लैम ऑस्ट्रेलियन ओपन और अपने देश के लिए डेविस कप मुकाबलों में नहीं खेल सकेंगे।
आईटीएफ ने कहा है कि सिलिक पर निकेथामाइड नाम के स्टीम्यूलेंट के सेवन का आरोप है। यह सेवन उन्होंने मई में म्यूनिख ओपन के दौरान किया था। टिप्पणियां
सिलिक ने कहा कि वह स्विट्जरलैंड स्थित कोर्ट ऑफ आर्बिटेशन फॉर स्पोर्ट्स की शरण लेंगे। उनके मुताबिक, उन्होंने जानबूझकर किसी स्टीम्यूलेंट का उपयोग नहीं किया है।
सिलिक ने कहा कि उन्हें फ्रांस की एक फार्मेसी दुकान से ग्लूकोज टैबलेट खरीदी थी, लेकिन वह नहीं जानते थे कि उसमें ऐसे तत्व हैं, जो प्रतियोगिताओं के लिहाज से प्रतिबंधित हैं।
सिलिक ने सोमवार को जारी अपने बयान में कहा, मैं आईटीएफ के इस फैसले के खिलाफ अपील कर रहा हूं।
आईटीएफ के बयान के मुताबिक, 24 साल के सिलिक, जो कि मौजूदा समय में विश्व के 24वें वरीय खिलाड़ी हैं, पर लगा प्रतिबंध 1 मई से मान्य होगा और अब वह प्रतिस्पर्धी टेनिस में 1 फरवरी, 2014 तक ही वापसी कर सकते हैं।
इस लिहाज से सिलिक जनवरी में होने वाले साल के पहले ग्रैंड स्लैम ऑस्ट्रेलियन ओपन और अपने देश के लिए डेविस कप मुकाबलों में नहीं खेल सकेंगे।
आईटीएफ ने कहा है कि सिलिक पर निकेथामाइड नाम के स्टीम्यूलेंट के सेवन का आरोप है। यह सेवन उन्होंने मई में म्यूनिख ओपन के दौरान किया था। टिप्पणियां
सिलिक ने कहा कि वह स्विट्जरलैंड स्थित कोर्ट ऑफ आर्बिटेशन फॉर स्पोर्ट्स की शरण लेंगे। उनके मुताबिक, उन्होंने जानबूझकर किसी स्टीम्यूलेंट का उपयोग नहीं किया है।
सिलिक ने कहा कि उन्हें फ्रांस की एक फार्मेसी दुकान से ग्लूकोज टैबलेट खरीदी थी, लेकिन वह नहीं जानते थे कि उसमें ऐसे तत्व हैं, जो प्रतियोगिताओं के लिहाज से प्रतिबंधित हैं।
आईटीएफ के बयान के मुताबिक, 24 साल के सिलिक, जो कि मौजूदा समय में विश्व के 24वें वरीय खिलाड़ी हैं, पर लगा प्रतिबंध 1 मई से मान्य होगा और अब वह प्रतिस्पर्धी टेनिस में 1 फरवरी, 2014 तक ही वापसी कर सकते हैं।
इस लिहाज से सिलिक जनवरी में होने वाले साल के पहले ग्रैंड स्लैम ऑस्ट्रेलियन ओपन और अपने देश के लिए डेविस कप मुकाबलों में नहीं खेल सकेंगे।
आईटीएफ ने कहा है कि सिलिक पर निकेथामाइड नाम के स्टीम्यूलेंट के सेवन का आरोप है। यह सेवन उन्होंने मई में म्यूनिख ओपन के दौरान किया था। टिप्पणियां
सिलिक ने कहा कि वह स्विट्जरलैंड स्थित कोर्ट ऑफ आर्बिटेशन फॉर स्पोर्ट्स की शरण लेंगे। उनके मुताबिक, उन्होंने जानबूझकर किसी स्टीम्यूलेंट का उपयोग नहीं किया है।
सिलिक ने कहा कि उन्हें फ्रांस की एक फार्मेसी दुकान से ग्लूकोज टैबलेट खरीदी थी, लेकिन वह नहीं जानते थे कि उसमें ऐसे तत्व हैं, जो प्रतियोगिताओं के लिहाज से प्रतिबंधित हैं।
इस लिहाज से सिलिक जनवरी में होने वाले साल के पहले ग्रैंड स्लैम ऑस्ट्रेलियन ओपन और अपने देश के लिए डेविस कप मुकाबलों में नहीं खेल सकेंगे।
आईटीएफ ने कहा है कि सिलिक पर निकेथामाइड नाम के स्टीम्यूलेंट के सेवन का आरोप है। यह सेवन उन्होंने मई में म्यूनिख ओपन के दौरान किया था। टिप्पणियां
सिलिक ने कहा कि वह स्विट्जरलैंड स्थित कोर्ट ऑफ आर्बिटेशन फॉर स्पोर्ट्स की शरण लेंगे। उनके मुताबिक, उन्होंने जानबूझकर किसी स्टीम्यूलेंट का उपयोग नहीं किया है।
सिलिक ने कहा कि उन्हें फ्रांस की एक फार्मेसी दुकान से ग्लूकोज टैबलेट खरीदी थी, लेकिन वह नहीं जानते थे कि उसमें ऐसे तत्व हैं, जो प्रतियोगिताओं के लिहाज से प्रतिबंधित हैं।
आईटीएफ ने कहा है कि सिलिक पर निकेथामाइड नाम के स्टीम्यूलेंट के सेवन का आरोप है। यह सेवन उन्होंने मई में म्यूनिख ओपन के दौरान किया था। टिप्पणियां
सिलिक ने कहा कि वह स्विट्जरलैंड स्थित कोर्ट ऑफ आर्बिटेशन फॉर स्पोर्ट्स की शरण लेंगे। उनके मुताबिक, उन्होंने जानबूझकर किसी स्टीम्यूलेंट का उपयोग नहीं किया है।
सिलिक ने कहा कि उन्हें फ्रांस की एक फार्मेसी दुकान से ग्लूकोज टैबलेट खरीदी थी, लेकिन वह नहीं जानते थे कि उसमें ऐसे तत्व हैं, जो प्रतियोगिताओं के लिहाज से प्रतिबंधित हैं।
सिलिक ने कहा कि वह स्विट्जरलैंड स्थित कोर्ट ऑफ आर्बिटेशन फॉर स्पोर्ट्स की शरण लेंगे। उनके मुताबिक, उन्होंने जानबूझकर किसी स्टीम्यूलेंट का उपयोग नहीं किया है।
सिलिक ने कहा कि उन्हें फ्रांस की एक फार्मेसी दुकान से ग्लूकोज टैबलेट खरीदी थी, लेकिन वह नहीं जानते थे कि उसमें ऐसे तत्व हैं, जो प्रतियोगिताओं के लिहाज से प्रतिबंधित हैं।
सिलिक ने कहा कि उन्हें फ्रांस की एक फार्मेसी दुकान से ग्लूकोज टैबलेट खरीदी थी, लेकिन वह नहीं जानते थे कि उसमें ऐसे तत्व हैं, जो प्रतियोगिताओं के लिहाज से प्रतिबंधित हैं। | सारांश: क्रोएशिया के पुरुष टेनिस खिलाड़ी मारिन सिलिक ने अंतरराष्ट्रीय टेनिस महासंघ द्वारा डोप टेस्ट में नाकाम होने पर लगा गए नौ महीने के प्रतिबंध के खिलाफ अंतराष्ट्रीय न्यायाधिकरण में अपील करने का फैसला किया है। | 20 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारत ने सोमवार को ओडिशा तट से जमीन-से-हवा में कम दूरी तक मार सकने वाली स्वदेशी मिसाइल का सफल परीक्षण किया. आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि सोमवार सुबह 11 बजकर 25 मिनट पर चांदीपुर के पास एकीकृत परीक्षण रेंज (आईटीआर) के लॉन्च कॉम्पलेक्स संख्या तीन से अत्याधुनिक मिसाइल का परीक्षण किया गया. हवा में मौजूद लक्ष्य को निशाना बनाकर दागी गई इस अत्याधुनिक मिसाइल का यह दूसरा विकास परीक्षण था. रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) और अन्य संस्थानों ने यह मिसाइल विकसित की है.
इस मिसाइल का पहला परीक्षण चार जून 2017 को इसी प्रक्षेपण स्थल से किया गया था. यह मिसाइल कई लक्ष्यों को एक साथ साधने में सक्षम है. इसकी मारक क्षमता 25 से 30 किमी है.
त्वरित प्रक्रिया मिसाइल के तौर पर डिजाइन की गई इस मिसाइल में हर मौसम में काम करने वाली हथियार प्रणाली लगी है.
रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) और अन्य संस्थानों ने यह मिसाइल विकसित की है.इस मिसाइल का पहला परीक्षण चार जून 2017 को इसी प्रक्षेपण स्थल से किया गया था.यह मिसाइल कई लक्ष्यों को एक साथ साधने में सक्षम है. इसकी मारक क्षमता 25 से 30 किमी है. टिप्पणियां
त्वरित प्रक्रिया मिसाइल के तौर पर डिजाइन की गई इस मिसाइल में हर मौसम में काम करने वाली हथियार प्रणाली लगी है.
इस सफलता के लिए वित्त मंत्री अरुण जेटली, रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने डीआरडीओ को बधाई दी है.
इनपुट: भाषा
इस मिसाइल का पहला परीक्षण चार जून 2017 को इसी प्रक्षेपण स्थल से किया गया था. यह मिसाइल कई लक्ष्यों को एक साथ साधने में सक्षम है. इसकी मारक क्षमता 25 से 30 किमी है.
त्वरित प्रक्रिया मिसाइल के तौर पर डिजाइन की गई इस मिसाइल में हर मौसम में काम करने वाली हथियार प्रणाली लगी है.
रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) और अन्य संस्थानों ने यह मिसाइल विकसित की है.इस मिसाइल का पहला परीक्षण चार जून 2017 को इसी प्रक्षेपण स्थल से किया गया था.यह मिसाइल कई लक्ष्यों को एक साथ साधने में सक्षम है. इसकी मारक क्षमता 25 से 30 किमी है. टिप्पणियां
त्वरित प्रक्रिया मिसाइल के तौर पर डिजाइन की गई इस मिसाइल में हर मौसम में काम करने वाली हथियार प्रणाली लगी है.
इस सफलता के लिए वित्त मंत्री अरुण जेटली, रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने डीआरडीओ को बधाई दी है.
इनपुट: भाषा
त्वरित प्रक्रिया मिसाइल के तौर पर डिजाइन की गई इस मिसाइल में हर मौसम में काम करने वाली हथियार प्रणाली लगी है.
रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) और अन्य संस्थानों ने यह मिसाइल विकसित की है.इस मिसाइल का पहला परीक्षण चार जून 2017 को इसी प्रक्षेपण स्थल से किया गया था.यह मिसाइल कई लक्ष्यों को एक साथ साधने में सक्षम है. इसकी मारक क्षमता 25 से 30 किमी है. टिप्पणियां
त्वरित प्रक्रिया मिसाइल के तौर पर डिजाइन की गई इस मिसाइल में हर मौसम में काम करने वाली हथियार प्रणाली लगी है.
इस सफलता के लिए वित्त मंत्री अरुण जेटली, रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने डीआरडीओ को बधाई दी है.
इनपुट: भाषा
रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) और अन्य संस्थानों ने यह मिसाइल विकसित की है.इस मिसाइल का पहला परीक्षण चार जून 2017 को इसी प्रक्षेपण स्थल से किया गया था.यह मिसाइल कई लक्ष्यों को एक साथ साधने में सक्षम है. इसकी मारक क्षमता 25 से 30 किमी है. टिप्पणियां
त्वरित प्रक्रिया मिसाइल के तौर पर डिजाइन की गई इस मिसाइल में हर मौसम में काम करने वाली हथियार प्रणाली लगी है.
इस सफलता के लिए वित्त मंत्री अरुण जेटली, रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने डीआरडीओ को बधाई दी है.
इनपुट: भाषा
त्वरित प्रक्रिया मिसाइल के तौर पर डिजाइन की गई इस मिसाइल में हर मौसम में काम करने वाली हथियार प्रणाली लगी है.
इस सफलता के लिए वित्त मंत्री अरुण जेटली, रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने डीआरडीओ को बधाई दी है.
इनपुट: भाषा
इस सफलता के लिए वित्त मंत्री अरुण जेटली, रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने डीआरडीओ को बधाई दी है.
इनपुट: भाषा | चांदीपुर से अत्याधुनिक मिसाइल का परीक्षण किया गया
पहला परीक्षण चार जून 2017 को इसी प्रक्षेपण स्थल से किया गया था
यह मिसाइल कई लक्ष्यों को एक साथ साधने में सक्षम है | 6 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: पाकिस्तान की एक अदालत ने 1980 के दशक में नेशनल जियोग्राफिक पत्रिका की कवर पेज पर मशहूर हुई और पिछले हफ्ते फर्जीवाड़ा के आरोपों को लेकर गिरफ्तार की गई अफगान लड़की की जमानत बुधवार को नामंजूर कर दी. गौरतलब है कि कुछ ही दिन पहले गृह मंत्रालय ने संकेत दिया था कि उसे जल्द ही मानवीय आधार पर रिहा किया जा सकता है.
नेशनल जियोग्राफिक पत्रिका के एक कवर पेज से मशहूर हुई शरबत गुल शरणार्थी के तौर पर पाकिस्तान में रहने के लिए कथित तौर पर फर्जी पहचान पत्र रखने को लेकर 26 अक्तूबर से पुलिस हिरासत में है.
पेशावर स्थित विशेष अदालत ने एक दिन पहले अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था और उसकी पाकिस्तानी नागरिकता साबित करने के साक्ष्य के अभाव का जिक्र करते हुए आज उसकी जमानत अर्जी खारिज कर दी.
कंप्यूटरीकृत राष्ट्रीय पहचान पत्र (सीएनआईसी) में फर्जीवाड़ा करने के आरोप में हरी आंखों वाली गुल को उसके पेशावर स्थित आवास से गिरफ्तार किया गया. जमानत अर्जी पर कल सुनवाई के दौरान गुल के वकील ने अदालत को बताया कि उनकी मुवक्किल अपने घर की एकमात्र कमाउ सदस्य है और हेपटाइटिस सी से ग्रसित है. उसकी गिरफ्तारी से पाकिस्तान में रह रहे लाखों अफगान शरणार्थियों की दशा उभर कर सामने आई है. टिप्पणियां
पाकिस्तान ने 1979 के सोवियत आक्रमण के बाद अफगानिस्तान से पलायन करने वाले लाखों अफगान शरणार्थियों को पनाहगाह मुहैया किया है. वह साल 2014 में पाकिस्तान में घुसी थी लेकिन तब से छिपी हुई थी. दरअसल, अधिकारियों ने उस पर एक फर्जी पाक पहचान पत्र खरीदने का आरोप लगाया था.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
नेशनल जियोग्राफिक पत्रिका के एक कवर पेज से मशहूर हुई शरबत गुल शरणार्थी के तौर पर पाकिस्तान में रहने के लिए कथित तौर पर फर्जी पहचान पत्र रखने को लेकर 26 अक्तूबर से पुलिस हिरासत में है.
पेशावर स्थित विशेष अदालत ने एक दिन पहले अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था और उसकी पाकिस्तानी नागरिकता साबित करने के साक्ष्य के अभाव का जिक्र करते हुए आज उसकी जमानत अर्जी खारिज कर दी.
कंप्यूटरीकृत राष्ट्रीय पहचान पत्र (सीएनआईसी) में फर्जीवाड़ा करने के आरोप में हरी आंखों वाली गुल को उसके पेशावर स्थित आवास से गिरफ्तार किया गया. जमानत अर्जी पर कल सुनवाई के दौरान गुल के वकील ने अदालत को बताया कि उनकी मुवक्किल अपने घर की एकमात्र कमाउ सदस्य है और हेपटाइटिस सी से ग्रसित है. उसकी गिरफ्तारी से पाकिस्तान में रह रहे लाखों अफगान शरणार्थियों की दशा उभर कर सामने आई है. टिप्पणियां
पाकिस्तान ने 1979 के सोवियत आक्रमण के बाद अफगानिस्तान से पलायन करने वाले लाखों अफगान शरणार्थियों को पनाहगाह मुहैया किया है. वह साल 2014 में पाकिस्तान में घुसी थी लेकिन तब से छिपी हुई थी. दरअसल, अधिकारियों ने उस पर एक फर्जी पाक पहचान पत्र खरीदने का आरोप लगाया था.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
पेशावर स्थित विशेष अदालत ने एक दिन पहले अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था और उसकी पाकिस्तानी नागरिकता साबित करने के साक्ष्य के अभाव का जिक्र करते हुए आज उसकी जमानत अर्जी खारिज कर दी.
कंप्यूटरीकृत राष्ट्रीय पहचान पत्र (सीएनआईसी) में फर्जीवाड़ा करने के आरोप में हरी आंखों वाली गुल को उसके पेशावर स्थित आवास से गिरफ्तार किया गया. जमानत अर्जी पर कल सुनवाई के दौरान गुल के वकील ने अदालत को बताया कि उनकी मुवक्किल अपने घर की एकमात्र कमाउ सदस्य है और हेपटाइटिस सी से ग्रसित है. उसकी गिरफ्तारी से पाकिस्तान में रह रहे लाखों अफगान शरणार्थियों की दशा उभर कर सामने आई है. टिप्पणियां
पाकिस्तान ने 1979 के सोवियत आक्रमण के बाद अफगानिस्तान से पलायन करने वाले लाखों अफगान शरणार्थियों को पनाहगाह मुहैया किया है. वह साल 2014 में पाकिस्तान में घुसी थी लेकिन तब से छिपी हुई थी. दरअसल, अधिकारियों ने उस पर एक फर्जी पाक पहचान पत्र खरीदने का आरोप लगाया था.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
कंप्यूटरीकृत राष्ट्रीय पहचान पत्र (सीएनआईसी) में फर्जीवाड़ा करने के आरोप में हरी आंखों वाली गुल को उसके पेशावर स्थित आवास से गिरफ्तार किया गया. जमानत अर्जी पर कल सुनवाई के दौरान गुल के वकील ने अदालत को बताया कि उनकी मुवक्किल अपने घर की एकमात्र कमाउ सदस्य है और हेपटाइटिस सी से ग्रसित है. उसकी गिरफ्तारी से पाकिस्तान में रह रहे लाखों अफगान शरणार्थियों की दशा उभर कर सामने आई है. टिप्पणियां
पाकिस्तान ने 1979 के सोवियत आक्रमण के बाद अफगानिस्तान से पलायन करने वाले लाखों अफगान शरणार्थियों को पनाहगाह मुहैया किया है. वह साल 2014 में पाकिस्तान में घुसी थी लेकिन तब से छिपी हुई थी. दरअसल, अधिकारियों ने उस पर एक फर्जी पाक पहचान पत्र खरीदने का आरोप लगाया था.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
पाकिस्तान ने 1979 के सोवियत आक्रमण के बाद अफगानिस्तान से पलायन करने वाले लाखों अफगान शरणार्थियों को पनाहगाह मुहैया किया है. वह साल 2014 में पाकिस्तान में घुसी थी लेकिन तब से छिपी हुई थी. दरअसल, अधिकारियों ने उस पर एक फर्जी पाक पहचान पत्र खरीदने का आरोप लगाया था.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | पिछले हफ्ते फर्जीवाड़ा के आरोपों को लेकर गिरफ्तार की गई शरबत गुल
कुछ ही दिन पहले गृह मंत्रालय ने जल्द छोड़्ने का संकेत दिया था
पाकिस्तान में रहने के लिए फर्जी पहचान पत्र रखने का आरोप | 6 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: कोयला ब्लॉक आवंटन घोटाले में पहली बार प्रधानमंत्री कार्यालय के किसी अफसर से पूछताछ हुई है। सूत्रों के मुताबिक सीबीआई ने इस सिलसिले में दो अफसरों से पूछताछ की है।टिप्पणियां
हालांकि सीबीआई अधिकारियों ने इस बारे में कुछ भी नहीं बताया, लेकिन सूत्रों के मुताबिक सीबीआई ने पीएमओ के अफसरों से साल 2006 से 2009 के बीच कोयला ब्लॉकों के आवंटन के बारे में पूछताछ की, जिस दौरान प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह खुद कोयला मंत्रालय संभाल रहे थे।
सूत्रों के मुताबिक पीएमओ अधिकारियों ने फाइलों पर अपनी टिप्पणियों के बारे में सीबीआई को सफाई दी, जिसके आधार पर ये कोल ब्लॉक आवंटित किए गए थे। सूत्रों के अनुसार सीबीआई आने वाले दिनों में प्रधानमंत्री के अहम सहयोगी टीकेए नैयर से भी पूछताछ कर सकती है, जो प्रधानमंत्री कार्यालय में प्रमुख सचिव थे और अभी प्रधानमंत्री के सलाहकार हैं।
हालांकि सीबीआई अधिकारियों ने इस बारे में कुछ भी नहीं बताया, लेकिन सूत्रों के मुताबिक सीबीआई ने पीएमओ के अफसरों से साल 2006 से 2009 के बीच कोयला ब्लॉकों के आवंटन के बारे में पूछताछ की, जिस दौरान प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह खुद कोयला मंत्रालय संभाल रहे थे।
सूत्रों के मुताबिक पीएमओ अधिकारियों ने फाइलों पर अपनी टिप्पणियों के बारे में सीबीआई को सफाई दी, जिसके आधार पर ये कोल ब्लॉक आवंटित किए गए थे। सूत्रों के अनुसार सीबीआई आने वाले दिनों में प्रधानमंत्री के अहम सहयोगी टीकेए नैयर से भी पूछताछ कर सकती है, जो प्रधानमंत्री कार्यालय में प्रमुख सचिव थे और अभी प्रधानमंत्री के सलाहकार हैं।
सूत्रों के मुताबिक पीएमओ अधिकारियों ने फाइलों पर अपनी टिप्पणियों के बारे में सीबीआई को सफाई दी, जिसके आधार पर ये कोल ब्लॉक आवंटित किए गए थे। सूत्रों के अनुसार सीबीआई आने वाले दिनों में प्रधानमंत्री के अहम सहयोगी टीकेए नैयर से भी पूछताछ कर सकती है, जो प्रधानमंत्री कार्यालय में प्रमुख सचिव थे और अभी प्रधानमंत्री के सलाहकार हैं। | यहाँ एक सारांश है:सीबीआई ने पीएमओ के अफसरों से साल 2006 से 2009 के बीच कोयला ब्लॉकों के आवंटन के बारे में पूछताछ की, जिस दौरान प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह खुद कोयला मंत्रालय संभाल रहे थे। | 15 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: भारत के पूर्व क्रिकेट कप्तान सुनील गावस्कर ने एक-दिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में चोटिल या थके हुए बल्लेबाज के लिए रनर की व्यवस्था को खत्म करने के आईसीसी के फैसले को लताड़ लगाई है। उन्होंने कहा कि यदि बल्लेबाजों को रनर नहीं दिया जा सकता तो गेंदबाजों को भी पानी पीने की स्वीकृति नहीं मिलनी चाहिए, क्योंकि नियम सभी के लिए समान होने चाहिए। आईसीसी की कार्यकारी समिति ने एक-दिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों में चोटिल बल्लेबाजों को रनर की सुविधा नहीं देने का फैसला किया है और गावस्कर ने कहा है कि अगर ऐसा है तो क्षेत्ररक्षण टीम के लिए भी नियम कड़े होने चाहिए। नाराज गावस्कर ने 'एनडीटीवी' से कहा, "मैं यह भी सुझाव देना चाहता हूं कि बाउंड्री के समीप गेंदबाजों के लिए भी पानी नहीं होना चाहिए। वे एक ओवर फेंकते हैं और बाउंड्री पर पहुंच जाते हैं, जहां एनर्जी ड्रिंक उनका इंतजार कर रहा होता है।" भारत के इस पूर्व सलामी बल्लेबाज ने कहा कि अगर आईसीसी को लगता है कि चोटिल बल्लेबाज को रनर देना उचित नहीं है तो उसे ड्रिंक्स ब्रेक तथा स्थानापन्न क्षेत्ररक्षकों की व्यवस्था खत्म करने पर भी विचार करना चाहिए। | सारांश: गावस्कर के मुताबिक, ऐसी स्थिति में क्षेत्ररक्षण टीम के लिए भी नियम कड़े होने चाहिए, और गेंदबाजों को पानी भी नहीं मिलना चाहिए। | 5 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भोजपुरी सिनेमा (Bhojpuri Cinema) की यूट्यूब (YouTube) क्वीन आम्रपाली दुबे (Amrapali Dubey) और भोजपुरी फिल्मों के जुबली स्टार दिनेश लाल यादव 'निरहुआ' (Dinesh Lal Yadav Nirahua) ने गरदा उड़ाकर रख दिया है. भोजपुरी फिल्मों (Bhojpuri Films) के सुपरस्टार निरहुआ और आम्रपाली दुबे का भोजपुरी बॉक्स ऑफिस (Bhojpuri Box Office) के अलावा यूट्यूब पर भी सिक्का चलता है. तभी तो आम्रपाली दुबे (Amrapali Dubey) और निरहुआ (Nirahua) की दो भोजपुरी फिल्में यूट्यूब पर 10 करोड़ का आंकड़ा पार करने वाली फिल्में बन गई हैं. आम्रपाली दुबे और निरहुआ की 'निरहुआ रिक्शावाला 2 (Nirahua Hindustani 2)' और 'निरहुआ हिंदुस्तानी 2 (Nirahua Rickshawala 2)' 10 करोड़ का आंकड़ा पार कर चुकी हैं.
भोजपुरी सिनेमा (Bhojpuri Cinema) में सर्वाधिक व्यू वाली फिल्म आम्रपाली दुबे और निरहुआ की 'निरहुआ रिक्शावाला 2 (Nirahua Hindustani 2)' बन गई है. इसे 11.3 करोड़ बार देखा जा चुका है. भोजपुरी बॉक्स ऑफ़िस पर भी इस फिल्म ने जमकर कमाई की थी. 2017 की सर्वाधिक अवार्ड जीतने वाली भी यही भोजपुरी फिल्म है. निरहुआ को इस फिल्म के लिए बेस्ट एक्टर का अवार्ड मिला था. ये भोजपुरी फिल्म बहुत ही धमाकेदार है और इसमें एक्शन तथा रोमांस का जोरदार कॉकटेल है.
भोजपुरी सिनेमा (Bhojpuri Cinema) की सुपरहिट जोड़ी निरहुआ (Nirahua) और आम्रपाली दुबे (Amrapali Dubey) की जोड़ी की दूसरी टॉप फिल्म 'निरहुआ हिंदुस्तानी 2 (Nirahua Rickshawala 2)' है, इस भोजपुरी फिल्म को यूट्यूब (YouTube) पर दस करोड़ से भी अधिक लोगों ने देखा है. इस फ़िल्म ने भी बॉक्स आफिस पर जबरदस्त सफलता हासिल की थी. निरहुआ और आम्रपाली दुबे की जोड़ी की 2018 में 'बॉर्डर' रिलीज हुई थी, और फिल्म को खूब पसंद भी किया गया. निरहुआ और आम्रपाली दुबे की अगली फिल्म 'निरहुआ चलल लंदन (Nirahua Chalal London)' है, जिसकी शूटिंग लंदन में की गई है, और दोनों का कमाल का अंदाज इसमें नजर आएगा. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: आम्रपाली दुबे-निरहुआ की जो़ड़ी सुपरहिट
यूट्यूब पर मचा डाला तहलका
दो फिल्में 10 करोड़ के पार | 19 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: आध्यात्मिक गुरु आसाराम बापू दिल्ली गैंगरेप पीड़िता के बारे में टिप्पणी करने के कारण सोमवार को कांग्रेस और भाजपा के निशाने पर आ गए। आसाराम ने कथित रूप से टिप्पणी की कि पीड़िता को आरोपियों को 'भाई' कहकर संबोधित करना चाहिए था और त्रासदी को टालने के लिए सरस्वती मंत्र का उच्चारण करना चाहिए था।
आसाराम ने कहा, "पीड़िता भी दुष्कर्म के आरोपियों के जितना ही दोषी है। उसे आरोपियों के सामने गिड़गिड़ाना चाहिए था।" उन्होंने आगे कहा कि केवल एक हाथ से ताली नहीं बज सकती।
राजस्थान के टोंक कस्बे में अपने भक्तों के बीच प्रवचन देते हुए आसाराम ने कहा, "नशे में धुत पांच या छह लोग ही अकेले दोषी नहीं हैं। लड़की भी जवाबदेह है।"
एक निजी टीवी चैनल ने आसाराम बापू के हवाले से कहा है, "पीड़िता को चाहिए था कि आरोपियों को रोकने के लिए वह उन्हें भाई कह कर संबोधित करती और उनके सामने गिड़गिड़ाती। इससे उसका सम्मान और जीवन बच सकता था। क्या एक हाथ से ताली बज सकती है? मैं ऐसा नहीं मानता।" उन्होंने आगे कहा है, "क्या उसने (पीड़िता ने) सरस्वती मंत्र का उच्चारण किया, पुरुष मित्र के साथ सिनेमा देखने के बाद उसे किसी बस में सवार नहीं होना चाहिए था।"
आसाराम बापू ने कहा कि वे दुष्कर्म रोकने के लिए कड़े कानून बनाए जाने के विरुद्ध हैं। उन्होंने कहा, "कानून का दुरुपयोग हो सकता है। देश में दहेज उत्पीड़न कानून के दुरुपयोग के सैंकड़ों उदाहरण मौजूद हैं। यदि दुष्कर्म निरोधी कानून का दुरुपयोग हुआ तो पुरुष इसके शिकार होंगे।" उन्होंने कहा कि दिल्ली दुष्कर्म पीड़िता के परिवार को उन्होंने पत्र लिखा है। उन्होंने लिखा है कि आपने अपनी बेटी को खोया है। आप मुझे अपना बेटा समझिए।
आसाराम की इस टिप्पणी की कांग्रेस और भाजपा, दोनों ने तीव्र भर्त्सना की। कांग्रेस नेता संदीप दीक्षित ने कहा, "ऐसे बयान की जितनी संभव हो सके निंदा की जानी चाहिए।"
कांग्रेस के ही राशिद अल्वी ने कहा, "राजनीतिक नेता हों या धर्मगुरु दोनों को मुंह खोलने से पहले गंभीरता से विचार कर लेना चाहिए।"
भाजपा नेता रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि टिप्पणी अत्यंत खेदजनक और दुखद है। हम उम्मीद करते हैं कि आसाराम बापूजी आत्मविश्लेषण करेंगे और बयान वापस लेंगे।टिप्पणियां
प्रसाद ने कहा, "मैं आश्वस्त हूं कि आसाराम हिंदू चिंतन से भलीभांति वाकिफ हैं, जिसके तहत महिलाओं को आदर सम्मान का स्थान हासिल है। इसी तरह हमारे संविधान में भी महिलाओं को बगैर किसी भेदभाव के बराबरी की हैसियत दी गई है। इस मामले में उनके लिए टिप्पणी करना जरूरी नहीं था, जिसने पूरे देश की चेतना को हिला कर रख दिया है। माफ कीजिए इसे कतई स्वीकार नहीं किया जा सकता।"
ज्ञात हो कि 23 साल की युवती के साथ चलती बस में 16 दिसंबर की रात छह लोगों ने क्रूरतापूर्वक दुष्कर्म किया था और विरोध करने पर उसे व उसके पुरुष मित्र को घोर शारीरिक यातनाएं दी थी। दोनों को घायल हालत में सड़क किनारे फेंक दिया। पीड़िता को इलाज के लिए सिंगापुर ले जाया गया, जहां 29 दिसंबर को उसकी मौत हो गई।
आसाराम ने कहा, "पीड़िता भी दुष्कर्म के आरोपियों के जितना ही दोषी है। उसे आरोपियों के सामने गिड़गिड़ाना चाहिए था।" उन्होंने आगे कहा कि केवल एक हाथ से ताली नहीं बज सकती।
राजस्थान के टोंक कस्बे में अपने भक्तों के बीच प्रवचन देते हुए आसाराम ने कहा, "नशे में धुत पांच या छह लोग ही अकेले दोषी नहीं हैं। लड़की भी जवाबदेह है।"
एक निजी टीवी चैनल ने आसाराम बापू के हवाले से कहा है, "पीड़िता को चाहिए था कि आरोपियों को रोकने के लिए वह उन्हें भाई कह कर संबोधित करती और उनके सामने गिड़गिड़ाती। इससे उसका सम्मान और जीवन बच सकता था। क्या एक हाथ से ताली बज सकती है? मैं ऐसा नहीं मानता।" उन्होंने आगे कहा है, "क्या उसने (पीड़िता ने) सरस्वती मंत्र का उच्चारण किया, पुरुष मित्र के साथ सिनेमा देखने के बाद उसे किसी बस में सवार नहीं होना चाहिए था।"
आसाराम बापू ने कहा कि वे दुष्कर्म रोकने के लिए कड़े कानून बनाए जाने के विरुद्ध हैं। उन्होंने कहा, "कानून का दुरुपयोग हो सकता है। देश में दहेज उत्पीड़न कानून के दुरुपयोग के सैंकड़ों उदाहरण मौजूद हैं। यदि दुष्कर्म निरोधी कानून का दुरुपयोग हुआ तो पुरुष इसके शिकार होंगे।" उन्होंने कहा कि दिल्ली दुष्कर्म पीड़िता के परिवार को उन्होंने पत्र लिखा है। उन्होंने लिखा है कि आपने अपनी बेटी को खोया है। आप मुझे अपना बेटा समझिए।
आसाराम की इस टिप्पणी की कांग्रेस और भाजपा, दोनों ने तीव्र भर्त्सना की। कांग्रेस नेता संदीप दीक्षित ने कहा, "ऐसे बयान की जितनी संभव हो सके निंदा की जानी चाहिए।"
कांग्रेस के ही राशिद अल्वी ने कहा, "राजनीतिक नेता हों या धर्मगुरु दोनों को मुंह खोलने से पहले गंभीरता से विचार कर लेना चाहिए।"
भाजपा नेता रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि टिप्पणी अत्यंत खेदजनक और दुखद है। हम उम्मीद करते हैं कि आसाराम बापूजी आत्मविश्लेषण करेंगे और बयान वापस लेंगे।टिप्पणियां
प्रसाद ने कहा, "मैं आश्वस्त हूं कि आसाराम हिंदू चिंतन से भलीभांति वाकिफ हैं, जिसके तहत महिलाओं को आदर सम्मान का स्थान हासिल है। इसी तरह हमारे संविधान में भी महिलाओं को बगैर किसी भेदभाव के बराबरी की हैसियत दी गई है। इस मामले में उनके लिए टिप्पणी करना जरूरी नहीं था, जिसने पूरे देश की चेतना को हिला कर रख दिया है। माफ कीजिए इसे कतई स्वीकार नहीं किया जा सकता।"
ज्ञात हो कि 23 साल की युवती के साथ चलती बस में 16 दिसंबर की रात छह लोगों ने क्रूरतापूर्वक दुष्कर्म किया था और विरोध करने पर उसे व उसके पुरुष मित्र को घोर शारीरिक यातनाएं दी थी। दोनों को घायल हालत में सड़क किनारे फेंक दिया। पीड़िता को इलाज के लिए सिंगापुर ले जाया गया, जहां 29 दिसंबर को उसकी मौत हो गई।
राजस्थान के टोंक कस्बे में अपने भक्तों के बीच प्रवचन देते हुए आसाराम ने कहा, "नशे में धुत पांच या छह लोग ही अकेले दोषी नहीं हैं। लड़की भी जवाबदेह है।"
एक निजी टीवी चैनल ने आसाराम बापू के हवाले से कहा है, "पीड़िता को चाहिए था कि आरोपियों को रोकने के लिए वह उन्हें भाई कह कर संबोधित करती और उनके सामने गिड़गिड़ाती। इससे उसका सम्मान और जीवन बच सकता था। क्या एक हाथ से ताली बज सकती है? मैं ऐसा नहीं मानता।" उन्होंने आगे कहा है, "क्या उसने (पीड़िता ने) सरस्वती मंत्र का उच्चारण किया, पुरुष मित्र के साथ सिनेमा देखने के बाद उसे किसी बस में सवार नहीं होना चाहिए था।"
आसाराम बापू ने कहा कि वे दुष्कर्म रोकने के लिए कड़े कानून बनाए जाने के विरुद्ध हैं। उन्होंने कहा, "कानून का दुरुपयोग हो सकता है। देश में दहेज उत्पीड़न कानून के दुरुपयोग के सैंकड़ों उदाहरण मौजूद हैं। यदि दुष्कर्म निरोधी कानून का दुरुपयोग हुआ तो पुरुष इसके शिकार होंगे।" उन्होंने कहा कि दिल्ली दुष्कर्म पीड़िता के परिवार को उन्होंने पत्र लिखा है। उन्होंने लिखा है कि आपने अपनी बेटी को खोया है। आप मुझे अपना बेटा समझिए।
आसाराम की इस टिप्पणी की कांग्रेस और भाजपा, दोनों ने तीव्र भर्त्सना की। कांग्रेस नेता संदीप दीक्षित ने कहा, "ऐसे बयान की जितनी संभव हो सके निंदा की जानी चाहिए।"
कांग्रेस के ही राशिद अल्वी ने कहा, "राजनीतिक नेता हों या धर्मगुरु दोनों को मुंह खोलने से पहले गंभीरता से विचार कर लेना चाहिए।"
भाजपा नेता रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि टिप्पणी अत्यंत खेदजनक और दुखद है। हम उम्मीद करते हैं कि आसाराम बापूजी आत्मविश्लेषण करेंगे और बयान वापस लेंगे।टिप्पणियां
प्रसाद ने कहा, "मैं आश्वस्त हूं कि आसाराम हिंदू चिंतन से भलीभांति वाकिफ हैं, जिसके तहत महिलाओं को आदर सम्मान का स्थान हासिल है। इसी तरह हमारे संविधान में भी महिलाओं को बगैर किसी भेदभाव के बराबरी की हैसियत दी गई है। इस मामले में उनके लिए टिप्पणी करना जरूरी नहीं था, जिसने पूरे देश की चेतना को हिला कर रख दिया है। माफ कीजिए इसे कतई स्वीकार नहीं किया जा सकता।"
ज्ञात हो कि 23 साल की युवती के साथ चलती बस में 16 दिसंबर की रात छह लोगों ने क्रूरतापूर्वक दुष्कर्म किया था और विरोध करने पर उसे व उसके पुरुष मित्र को घोर शारीरिक यातनाएं दी थी। दोनों को घायल हालत में सड़क किनारे फेंक दिया। पीड़िता को इलाज के लिए सिंगापुर ले जाया गया, जहां 29 दिसंबर को उसकी मौत हो गई।
एक निजी टीवी चैनल ने आसाराम बापू के हवाले से कहा है, "पीड़िता को चाहिए था कि आरोपियों को रोकने के लिए वह उन्हें भाई कह कर संबोधित करती और उनके सामने गिड़गिड़ाती। इससे उसका सम्मान और जीवन बच सकता था। क्या एक हाथ से ताली बज सकती है? मैं ऐसा नहीं मानता।" उन्होंने आगे कहा है, "क्या उसने (पीड़िता ने) सरस्वती मंत्र का उच्चारण किया, पुरुष मित्र के साथ सिनेमा देखने के बाद उसे किसी बस में सवार नहीं होना चाहिए था।"
आसाराम बापू ने कहा कि वे दुष्कर्म रोकने के लिए कड़े कानून बनाए जाने के विरुद्ध हैं। उन्होंने कहा, "कानून का दुरुपयोग हो सकता है। देश में दहेज उत्पीड़न कानून के दुरुपयोग के सैंकड़ों उदाहरण मौजूद हैं। यदि दुष्कर्म निरोधी कानून का दुरुपयोग हुआ तो पुरुष इसके शिकार होंगे।" उन्होंने कहा कि दिल्ली दुष्कर्म पीड़िता के परिवार को उन्होंने पत्र लिखा है। उन्होंने लिखा है कि आपने अपनी बेटी को खोया है। आप मुझे अपना बेटा समझिए।
आसाराम की इस टिप्पणी की कांग्रेस और भाजपा, दोनों ने तीव्र भर्त्सना की। कांग्रेस नेता संदीप दीक्षित ने कहा, "ऐसे बयान की जितनी संभव हो सके निंदा की जानी चाहिए।"
कांग्रेस के ही राशिद अल्वी ने कहा, "राजनीतिक नेता हों या धर्मगुरु दोनों को मुंह खोलने से पहले गंभीरता से विचार कर लेना चाहिए।"
भाजपा नेता रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि टिप्पणी अत्यंत खेदजनक और दुखद है। हम उम्मीद करते हैं कि आसाराम बापूजी आत्मविश्लेषण करेंगे और बयान वापस लेंगे।टिप्पणियां
प्रसाद ने कहा, "मैं आश्वस्त हूं कि आसाराम हिंदू चिंतन से भलीभांति वाकिफ हैं, जिसके तहत महिलाओं को आदर सम्मान का स्थान हासिल है। इसी तरह हमारे संविधान में भी महिलाओं को बगैर किसी भेदभाव के बराबरी की हैसियत दी गई है। इस मामले में उनके लिए टिप्पणी करना जरूरी नहीं था, जिसने पूरे देश की चेतना को हिला कर रख दिया है। माफ कीजिए इसे कतई स्वीकार नहीं किया जा सकता।"
ज्ञात हो कि 23 साल की युवती के साथ चलती बस में 16 दिसंबर की रात छह लोगों ने क्रूरतापूर्वक दुष्कर्म किया था और विरोध करने पर उसे व उसके पुरुष मित्र को घोर शारीरिक यातनाएं दी थी। दोनों को घायल हालत में सड़क किनारे फेंक दिया। पीड़िता को इलाज के लिए सिंगापुर ले जाया गया, जहां 29 दिसंबर को उसकी मौत हो गई।
आसाराम बापू ने कहा कि वे दुष्कर्म रोकने के लिए कड़े कानून बनाए जाने के विरुद्ध हैं। उन्होंने कहा, "कानून का दुरुपयोग हो सकता है। देश में दहेज उत्पीड़न कानून के दुरुपयोग के सैंकड़ों उदाहरण मौजूद हैं। यदि दुष्कर्म निरोधी कानून का दुरुपयोग हुआ तो पुरुष इसके शिकार होंगे।" उन्होंने कहा कि दिल्ली दुष्कर्म पीड़िता के परिवार को उन्होंने पत्र लिखा है। उन्होंने लिखा है कि आपने अपनी बेटी को खोया है। आप मुझे अपना बेटा समझिए।
आसाराम की इस टिप्पणी की कांग्रेस और भाजपा, दोनों ने तीव्र भर्त्सना की। कांग्रेस नेता संदीप दीक्षित ने कहा, "ऐसे बयान की जितनी संभव हो सके निंदा की जानी चाहिए।"
कांग्रेस के ही राशिद अल्वी ने कहा, "राजनीतिक नेता हों या धर्मगुरु दोनों को मुंह खोलने से पहले गंभीरता से विचार कर लेना चाहिए।"
भाजपा नेता रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि टिप्पणी अत्यंत खेदजनक और दुखद है। हम उम्मीद करते हैं कि आसाराम बापूजी आत्मविश्लेषण करेंगे और बयान वापस लेंगे।टिप्पणियां
प्रसाद ने कहा, "मैं आश्वस्त हूं कि आसाराम हिंदू चिंतन से भलीभांति वाकिफ हैं, जिसके तहत महिलाओं को आदर सम्मान का स्थान हासिल है। इसी तरह हमारे संविधान में भी महिलाओं को बगैर किसी भेदभाव के बराबरी की हैसियत दी गई है। इस मामले में उनके लिए टिप्पणी करना जरूरी नहीं था, जिसने पूरे देश की चेतना को हिला कर रख दिया है। माफ कीजिए इसे कतई स्वीकार नहीं किया जा सकता।"
ज्ञात हो कि 23 साल की युवती के साथ चलती बस में 16 दिसंबर की रात छह लोगों ने क्रूरतापूर्वक दुष्कर्म किया था और विरोध करने पर उसे व उसके पुरुष मित्र को घोर शारीरिक यातनाएं दी थी। दोनों को घायल हालत में सड़क किनारे फेंक दिया। पीड़िता को इलाज के लिए सिंगापुर ले जाया गया, जहां 29 दिसंबर को उसकी मौत हो गई।
आसाराम की इस टिप्पणी की कांग्रेस और भाजपा, दोनों ने तीव्र भर्त्सना की। कांग्रेस नेता संदीप दीक्षित ने कहा, "ऐसे बयान की जितनी संभव हो सके निंदा की जानी चाहिए।"
कांग्रेस के ही राशिद अल्वी ने कहा, "राजनीतिक नेता हों या धर्मगुरु दोनों को मुंह खोलने से पहले गंभीरता से विचार कर लेना चाहिए।"
भाजपा नेता रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि टिप्पणी अत्यंत खेदजनक और दुखद है। हम उम्मीद करते हैं कि आसाराम बापूजी आत्मविश्लेषण करेंगे और बयान वापस लेंगे।टिप्पणियां
प्रसाद ने कहा, "मैं आश्वस्त हूं कि आसाराम हिंदू चिंतन से भलीभांति वाकिफ हैं, जिसके तहत महिलाओं को आदर सम्मान का स्थान हासिल है। इसी तरह हमारे संविधान में भी महिलाओं को बगैर किसी भेदभाव के बराबरी की हैसियत दी गई है। इस मामले में उनके लिए टिप्पणी करना जरूरी नहीं था, जिसने पूरे देश की चेतना को हिला कर रख दिया है। माफ कीजिए इसे कतई स्वीकार नहीं किया जा सकता।"
ज्ञात हो कि 23 साल की युवती के साथ चलती बस में 16 दिसंबर की रात छह लोगों ने क्रूरतापूर्वक दुष्कर्म किया था और विरोध करने पर उसे व उसके पुरुष मित्र को घोर शारीरिक यातनाएं दी थी। दोनों को घायल हालत में सड़क किनारे फेंक दिया। पीड़िता को इलाज के लिए सिंगापुर ले जाया गया, जहां 29 दिसंबर को उसकी मौत हो गई।
कांग्रेस के ही राशिद अल्वी ने कहा, "राजनीतिक नेता हों या धर्मगुरु दोनों को मुंह खोलने से पहले गंभीरता से विचार कर लेना चाहिए।"
भाजपा नेता रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि टिप्पणी अत्यंत खेदजनक और दुखद है। हम उम्मीद करते हैं कि आसाराम बापूजी आत्मविश्लेषण करेंगे और बयान वापस लेंगे।टिप्पणियां
प्रसाद ने कहा, "मैं आश्वस्त हूं कि आसाराम हिंदू चिंतन से भलीभांति वाकिफ हैं, जिसके तहत महिलाओं को आदर सम्मान का स्थान हासिल है। इसी तरह हमारे संविधान में भी महिलाओं को बगैर किसी भेदभाव के बराबरी की हैसियत दी गई है। इस मामले में उनके लिए टिप्पणी करना जरूरी नहीं था, जिसने पूरे देश की चेतना को हिला कर रख दिया है। माफ कीजिए इसे कतई स्वीकार नहीं किया जा सकता।"
ज्ञात हो कि 23 साल की युवती के साथ चलती बस में 16 दिसंबर की रात छह लोगों ने क्रूरतापूर्वक दुष्कर्म किया था और विरोध करने पर उसे व उसके पुरुष मित्र को घोर शारीरिक यातनाएं दी थी। दोनों को घायल हालत में सड़क किनारे फेंक दिया। पीड़िता को इलाज के लिए सिंगापुर ले जाया गया, जहां 29 दिसंबर को उसकी मौत हो गई।
भाजपा नेता रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि टिप्पणी अत्यंत खेदजनक और दुखद है। हम उम्मीद करते हैं कि आसाराम बापूजी आत्मविश्लेषण करेंगे और बयान वापस लेंगे।टिप्पणियां
प्रसाद ने कहा, "मैं आश्वस्त हूं कि आसाराम हिंदू चिंतन से भलीभांति वाकिफ हैं, जिसके तहत महिलाओं को आदर सम्मान का स्थान हासिल है। इसी तरह हमारे संविधान में भी महिलाओं को बगैर किसी भेदभाव के बराबरी की हैसियत दी गई है। इस मामले में उनके लिए टिप्पणी करना जरूरी नहीं था, जिसने पूरे देश की चेतना को हिला कर रख दिया है। माफ कीजिए इसे कतई स्वीकार नहीं किया जा सकता।"
ज्ञात हो कि 23 साल की युवती के साथ चलती बस में 16 दिसंबर की रात छह लोगों ने क्रूरतापूर्वक दुष्कर्म किया था और विरोध करने पर उसे व उसके पुरुष मित्र को घोर शारीरिक यातनाएं दी थी। दोनों को घायल हालत में सड़क किनारे फेंक दिया। पीड़िता को इलाज के लिए सिंगापुर ले जाया गया, जहां 29 दिसंबर को उसकी मौत हो गई।
प्रसाद ने कहा, "मैं आश्वस्त हूं कि आसाराम हिंदू चिंतन से भलीभांति वाकिफ हैं, जिसके तहत महिलाओं को आदर सम्मान का स्थान हासिल है। इसी तरह हमारे संविधान में भी महिलाओं को बगैर किसी भेदभाव के बराबरी की हैसियत दी गई है। इस मामले में उनके लिए टिप्पणी करना जरूरी नहीं था, जिसने पूरे देश की चेतना को हिला कर रख दिया है। माफ कीजिए इसे कतई स्वीकार नहीं किया जा सकता।"
ज्ञात हो कि 23 साल की युवती के साथ चलती बस में 16 दिसंबर की रात छह लोगों ने क्रूरतापूर्वक दुष्कर्म किया था और विरोध करने पर उसे व उसके पुरुष मित्र को घोर शारीरिक यातनाएं दी थी। दोनों को घायल हालत में सड़क किनारे फेंक दिया। पीड़िता को इलाज के लिए सिंगापुर ले जाया गया, जहां 29 दिसंबर को उसकी मौत हो गई।
ज्ञात हो कि 23 साल की युवती के साथ चलती बस में 16 दिसंबर की रात छह लोगों ने क्रूरतापूर्वक दुष्कर्म किया था और विरोध करने पर उसे व उसके पुरुष मित्र को घोर शारीरिक यातनाएं दी थी। दोनों को घायल हालत में सड़क किनारे फेंक दिया। पीड़िता को इलाज के लिए सिंगापुर ले जाया गया, जहां 29 दिसंबर को उसकी मौत हो गई। | संक्षिप्त सारांश: आध्यात्मिक गुरु आसाराम बापू दिल्ली गैंगरेप पीड़िता के बारे में टिप्पणी करने के कारण सोमवार को कांग्रेस और भाजपा के निशाने पर आ गए। आसाराम ने कथित रूप से टिप्पणी की कि पीड़िता को आरोपियों को 'भाई' कहकर संबोधित करना चाहिए था। | 10 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: बलात्कार और पुरुष होने की आरोपी एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली एथलीट पिंकी प्रमाणिक को पूर्व रेलवे ने निलम्बित कर दिया है। टिकट कलेक्टर के तौर पर काम करने वाली पिंकी को गिरफ्तारी के बाद न्यायिक हिरासत में रखा गया है।
पूर्व रेलवे के प्रवक्ता समीर गोस्वामी ने रविवार को बताया, "नौकरी की शर्तों के मुताबिक अगर कोई व्यक्ति 48 घंटे या उससे अधिक समय तक पुलिस या फिर न्यायिक हिरासत में है तो उसे स्वाभाविक तौर पर नौकरी से निलम्बित माना जाएगा। पिकी को शुक्रवार को न्यायिक हिरासत में भेजा गया था और उसे शर्तों के मुताबिक निलम्बित कर दिया गया।"
अधिकारी ने बताया कि पिंकी का निलम्बन उसी शर्त पर वापस होगा, जब अदालत उसे सभी आरोपों से मुक्त कर देगी।
अधिकारी अदालत की अनुमति लेते हुए पिंकी के उस शारीरिक और मेडिकल टेस्ट की वैधता की जांच करने का मन बना रहे हैं, जिसके माध्यम से इस एथलीट को रेलवे में नौकरी मिली थी। टिप्पणियां
पिंकी को गुरुवार को गिरफ्तार किया गया था और शुक्रवार को अदालत ने उसे 14 दिनों के लिए न्यायाकि हिरासत में भेज दिया।
पिंकी की लिव-इन पार्टनर ने आरोप लगाया था कि वह एक पुरुष है और उसने उसके साथ बलात्कार किया है। इस विधवा महिला के मुताबिक पिंकी ने उसे शारीरिक यातना भी दी है।
पुलिस ने कहा है कि इससे पहले दो बार यौन पहचान परीक्षण कराने से इनकार कर चुकी पिंकी को सोमवार को इस परीक्षण के लिए ले जाया जाएगा।
पूर्व रेलवे के प्रवक्ता समीर गोस्वामी ने रविवार को बताया, "नौकरी की शर्तों के मुताबिक अगर कोई व्यक्ति 48 घंटे या उससे अधिक समय तक पुलिस या फिर न्यायिक हिरासत में है तो उसे स्वाभाविक तौर पर नौकरी से निलम्बित माना जाएगा। पिकी को शुक्रवार को न्यायिक हिरासत में भेजा गया था और उसे शर्तों के मुताबिक निलम्बित कर दिया गया।"
अधिकारी ने बताया कि पिंकी का निलम्बन उसी शर्त पर वापस होगा, जब अदालत उसे सभी आरोपों से मुक्त कर देगी।
अधिकारी अदालत की अनुमति लेते हुए पिंकी के उस शारीरिक और मेडिकल टेस्ट की वैधता की जांच करने का मन बना रहे हैं, जिसके माध्यम से इस एथलीट को रेलवे में नौकरी मिली थी। टिप्पणियां
पिंकी को गुरुवार को गिरफ्तार किया गया था और शुक्रवार को अदालत ने उसे 14 दिनों के लिए न्यायाकि हिरासत में भेज दिया।
पिंकी की लिव-इन पार्टनर ने आरोप लगाया था कि वह एक पुरुष है और उसने उसके साथ बलात्कार किया है। इस विधवा महिला के मुताबिक पिंकी ने उसे शारीरिक यातना भी दी है।
पुलिस ने कहा है कि इससे पहले दो बार यौन पहचान परीक्षण कराने से इनकार कर चुकी पिंकी को सोमवार को इस परीक्षण के लिए ले जाया जाएगा।
अधिकारी ने बताया कि पिंकी का निलम्बन उसी शर्त पर वापस होगा, जब अदालत उसे सभी आरोपों से मुक्त कर देगी।
अधिकारी अदालत की अनुमति लेते हुए पिंकी के उस शारीरिक और मेडिकल टेस्ट की वैधता की जांच करने का मन बना रहे हैं, जिसके माध्यम से इस एथलीट को रेलवे में नौकरी मिली थी। टिप्पणियां
पिंकी को गुरुवार को गिरफ्तार किया गया था और शुक्रवार को अदालत ने उसे 14 दिनों के लिए न्यायाकि हिरासत में भेज दिया।
पिंकी की लिव-इन पार्टनर ने आरोप लगाया था कि वह एक पुरुष है और उसने उसके साथ बलात्कार किया है। इस विधवा महिला के मुताबिक पिंकी ने उसे शारीरिक यातना भी दी है।
पुलिस ने कहा है कि इससे पहले दो बार यौन पहचान परीक्षण कराने से इनकार कर चुकी पिंकी को सोमवार को इस परीक्षण के लिए ले जाया जाएगा।
अधिकारी अदालत की अनुमति लेते हुए पिंकी के उस शारीरिक और मेडिकल टेस्ट की वैधता की जांच करने का मन बना रहे हैं, जिसके माध्यम से इस एथलीट को रेलवे में नौकरी मिली थी। टिप्पणियां
पिंकी को गुरुवार को गिरफ्तार किया गया था और शुक्रवार को अदालत ने उसे 14 दिनों के लिए न्यायाकि हिरासत में भेज दिया।
पिंकी की लिव-इन पार्टनर ने आरोप लगाया था कि वह एक पुरुष है और उसने उसके साथ बलात्कार किया है। इस विधवा महिला के मुताबिक पिंकी ने उसे शारीरिक यातना भी दी है।
पुलिस ने कहा है कि इससे पहले दो बार यौन पहचान परीक्षण कराने से इनकार कर चुकी पिंकी को सोमवार को इस परीक्षण के लिए ले जाया जाएगा।
पिंकी को गुरुवार को गिरफ्तार किया गया था और शुक्रवार को अदालत ने उसे 14 दिनों के लिए न्यायाकि हिरासत में भेज दिया।
पिंकी की लिव-इन पार्टनर ने आरोप लगाया था कि वह एक पुरुष है और उसने उसके साथ बलात्कार किया है। इस विधवा महिला के मुताबिक पिंकी ने उसे शारीरिक यातना भी दी है।
पुलिस ने कहा है कि इससे पहले दो बार यौन पहचान परीक्षण कराने से इनकार कर चुकी पिंकी को सोमवार को इस परीक्षण के लिए ले जाया जाएगा।
पुलिस ने कहा है कि इससे पहले दो बार यौन पहचान परीक्षण कराने से इनकार कर चुकी पिंकी को सोमवार को इस परीक्षण के लिए ले जाया जाएगा। | बलात्कार और पुरुष होने की आरोपी एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली एथलीट पिंकी प्रमाणिक को पूर्व रेलवे ने निलम्बित कर दिया है। | 6 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: उत्तर प्रदेश में अखिलेश यादव मंत्रिमंडल के विस्तार के तहत बलिया सदर सीट से विधायक नारद राय और गाज़ीपुर के कैलाश यादव को कैबिनेट मंत्री बनाया गया है, जबकि राज्यमंत्री रहे राममूर्ति वर्मा को तरक्की देकर कैबिनेट मंत्री का दर्जा प्रदान कर दिया गया है।
इनके अलावा अखिलेश यादव ने राज्यमंत्री गायत्री प्रजापति को स्वतंत्र प्रभार वाला राज्यमंत्री बनाया है। प्रतापगढ़ की कुंडा सीट से निर्दलीय विधायक राजा भैया को भी दोबारा मंत्रिपद दिए जाने की चर्चाएं थीं, लेकिन उन्हें सरकार में शामिल नहीं किया गया है। उल्लेखनीय है कि राजा भैया राज्य मंत्रिमंडल में कैबिनेट मंत्री हुआ करते थे, लेकिन कुंडा में मारे गए सर्कल ऑफिसर ज़िया उल हक की पत्नी द्वारा दर्ज कराई गई एफआईआर में नाम आने के बाद उन्होंने मंत्रिपद से इस्तीफा दे दिया था।
इनके अलावा अखिलेश यादव ने राज्यमंत्री गायत्री प्रजापति को स्वतंत्र प्रभार वाला राज्यमंत्री बनाया है। प्रतापगढ़ की कुंडा सीट से निर्दलीय विधायक राजा भैया को भी दोबारा मंत्रिपद दिए जाने की चर्चाएं थीं, लेकिन उन्हें सरकार में शामिल नहीं किया गया है। उल्लेखनीय है कि राजा भैया राज्य मंत्रिमंडल में कैबिनेट मंत्री हुआ करते थे, लेकिन कुंडा में मारे गए सर्कल ऑफिसर ज़िया उल हक की पत्नी द्वारा दर्ज कराई गई एफआईआर में नाम आने के बाद उन्होंने मंत्रिपद से इस्तीफा दे दिया था। | यूपी में अखिलेश मंत्रिमंडल के विस्तार में बलिया से विधायक नारद राय और गाजीपुर से विधायक कैलाश यादव को कैबिनेट मंत्री बनाया गया है, जबकि राज्यमंत्री रहे राममूर्ति वर्मा को कैबिनेट मंत्री के पद की शपथ दिलाई गई है। | 1 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: बता दें वरुण (Varun Dhawan) और नताशा की शादी की खबरें पहली बार नहीं आई हैं, इससे पहले भी कई बार ऐसी खबरें मीडिया में आती रही हैं. कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि उनकी शादी के लिए जोधपुर को तय कर लिया गया है, जहां प्रियंका चोपड़ा (Priyanka Chopra) और निक जोनस की शादी हुई थी. वहीं कुछ मीडिया रिपोर्ट्स ने ये भी दावा किया था कि वरुण और नताशा की शादी के लिए गोवा को चुना गया है.
वरुण धवन के पिता डेविड धवन (David Dhawan) ने इंटरव्यू के दौरान कहा, 'मैं जानता हूं वरुण (Varun Dhawan) की शादी का सभी बहुत बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं और मैं भी कर रहा हूं. हम सभी परिवार के लोग वरुण धवन की शादी पर बहुत खुश होंगे. शादी होगी खूब धूम-धाम से होगी. लेकिन खुद शादी की डेट और जगह तय मत करो. जब वरुण की शादी होगी तो हम खुद ऑफिशियली उनकी शादी की तारीख और जगह मीडिया को बताएंगे.'
बता दें वरुण धवन (Varun Dhawan) और नताशा दलाल (Natasha Dalal) की जोड़ी तब चर्चा में आई, जब ये दोनों आकाश अंबानी और श्लोका मेहता की शादी में एक साथ नजर आए थे. कॉफी विद करण में भी वरुण धवन ने खुलासा किया था कि वो नताशा दलाल को डेट कर रहे हैं और वो उनसे शादी करने का प्लॉन कर रहे हैं. | यहाँ एक सारांश है:वरुण धवन और नताशा दलाल की शादी पर लगा ब्रेक
वरुण ने कहा, शादी की अफवाहें झूठी
दिसंबर में वरुण और नताशा की शादी की उड़ रही थी अफवाहें | 4 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: कंपनियों के पास शेयरधारकों का 1,101 करोड़ रुपये का लाभांश बिना दावे अथवा बिना भुगतान के पड़ा है। रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड 113 करोड़ रुपये ऐसी लाभांश राशि के साथ सबसे शीर्ष पर है। यह जानकारी संसद को दी गई।
कारपोरेट कार्यमंत्री सचिन पायलट ने गुरुवार को लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में कहा कि 1,406 कंपनियों के पास 1,101 करोड़ रुपये से कुछ अधिक लाभांश बिना दावे के पड़ा है।
कंपनियों द्वारा लाभांश घोषित करने के 30 दिन के भीतर उसका भुगतान निवेशकों को करना होता है। बिना दावे अथवा भुगतान नहीं हुए ऐसे धन को अगले सात दिन के अंदर ‘बिना दावे वाले लाभांश खाते’ में हस्तांतरित करना जरूरी होता है।
इस खाते में सात साल तक बिना दावे के धन पड़ा रहने पर राशि को ‘निवेशक शिक्षा और संरक्षण कोष (आईईपीएफ)’ में डाल दिया जाता है। इसके बाद कंपनी के खिलाफ लाभांश का कोई दावा नहीं किया जा सकता। टिप्पणियां
मंत्री ने ‘एमसीए 21’ पोर्टल पर उपलब्ध जानकारी का हवाला देते हुए कहा ‘1,406 कंपनियों के पास बिना दावे के और बिना भुगतान के 1,101.35 करोड़ रुपये की राशि पड़ी हुई है।’ रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड इस मामले में सबसे ऊपर है। रिलायंस के पास 113 करोड़ रुपये बिना दावे का पड़ा है। इसके बाद आईटीसी के पास 74.34 करोड़ रुपये, हिन्दुस्तान यूनिलीवर के पास 49.05 करोड़, हीरो मोटोकार्प के पास 40.22 करोड़ और टाटा स्टील 38.53 करोड़ रुपये पड़ा है।
अन्य कंपनियों में लक्ष्मी विलास बैंक (34.14 करोड़), आईसीआईसीआई बैंक (19.17 करोड़ रुपये) लार्सन एण्ड टुब्रो (18.69 करोड़) और आईडीबीआई बैंक (13.59 करोड़ रुपये) प्रमुख हैं।
कारपोरेट कार्यमंत्री सचिन पायलट ने गुरुवार को लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में कहा कि 1,406 कंपनियों के पास 1,101 करोड़ रुपये से कुछ अधिक लाभांश बिना दावे के पड़ा है।
कंपनियों द्वारा लाभांश घोषित करने के 30 दिन के भीतर उसका भुगतान निवेशकों को करना होता है। बिना दावे अथवा भुगतान नहीं हुए ऐसे धन को अगले सात दिन के अंदर ‘बिना दावे वाले लाभांश खाते’ में हस्तांतरित करना जरूरी होता है।
इस खाते में सात साल तक बिना दावे के धन पड़ा रहने पर राशि को ‘निवेशक शिक्षा और संरक्षण कोष (आईईपीएफ)’ में डाल दिया जाता है। इसके बाद कंपनी के खिलाफ लाभांश का कोई दावा नहीं किया जा सकता। टिप्पणियां
मंत्री ने ‘एमसीए 21’ पोर्टल पर उपलब्ध जानकारी का हवाला देते हुए कहा ‘1,406 कंपनियों के पास बिना दावे के और बिना भुगतान के 1,101.35 करोड़ रुपये की राशि पड़ी हुई है।’ रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड इस मामले में सबसे ऊपर है। रिलायंस के पास 113 करोड़ रुपये बिना दावे का पड़ा है। इसके बाद आईटीसी के पास 74.34 करोड़ रुपये, हिन्दुस्तान यूनिलीवर के पास 49.05 करोड़, हीरो मोटोकार्प के पास 40.22 करोड़ और टाटा स्टील 38.53 करोड़ रुपये पड़ा है।
अन्य कंपनियों में लक्ष्मी विलास बैंक (34.14 करोड़), आईसीआईसीआई बैंक (19.17 करोड़ रुपये) लार्सन एण्ड टुब्रो (18.69 करोड़) और आईडीबीआई बैंक (13.59 करोड़ रुपये) प्रमुख हैं।
कंपनियों द्वारा लाभांश घोषित करने के 30 दिन के भीतर उसका भुगतान निवेशकों को करना होता है। बिना दावे अथवा भुगतान नहीं हुए ऐसे धन को अगले सात दिन के अंदर ‘बिना दावे वाले लाभांश खाते’ में हस्तांतरित करना जरूरी होता है।
इस खाते में सात साल तक बिना दावे के धन पड़ा रहने पर राशि को ‘निवेशक शिक्षा और संरक्षण कोष (आईईपीएफ)’ में डाल दिया जाता है। इसके बाद कंपनी के खिलाफ लाभांश का कोई दावा नहीं किया जा सकता। टिप्पणियां
मंत्री ने ‘एमसीए 21’ पोर्टल पर उपलब्ध जानकारी का हवाला देते हुए कहा ‘1,406 कंपनियों के पास बिना दावे के और बिना भुगतान के 1,101.35 करोड़ रुपये की राशि पड़ी हुई है।’ रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड इस मामले में सबसे ऊपर है। रिलायंस के पास 113 करोड़ रुपये बिना दावे का पड़ा है। इसके बाद आईटीसी के पास 74.34 करोड़ रुपये, हिन्दुस्तान यूनिलीवर के पास 49.05 करोड़, हीरो मोटोकार्प के पास 40.22 करोड़ और टाटा स्टील 38.53 करोड़ रुपये पड़ा है।
अन्य कंपनियों में लक्ष्मी विलास बैंक (34.14 करोड़), आईसीआईसीआई बैंक (19.17 करोड़ रुपये) लार्सन एण्ड टुब्रो (18.69 करोड़) और आईडीबीआई बैंक (13.59 करोड़ रुपये) प्रमुख हैं।
इस खाते में सात साल तक बिना दावे के धन पड़ा रहने पर राशि को ‘निवेशक शिक्षा और संरक्षण कोष (आईईपीएफ)’ में डाल दिया जाता है। इसके बाद कंपनी के खिलाफ लाभांश का कोई दावा नहीं किया जा सकता। टिप्पणियां
मंत्री ने ‘एमसीए 21’ पोर्टल पर उपलब्ध जानकारी का हवाला देते हुए कहा ‘1,406 कंपनियों के पास बिना दावे के और बिना भुगतान के 1,101.35 करोड़ रुपये की राशि पड़ी हुई है।’ रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड इस मामले में सबसे ऊपर है। रिलायंस के पास 113 करोड़ रुपये बिना दावे का पड़ा है। इसके बाद आईटीसी के पास 74.34 करोड़ रुपये, हिन्दुस्तान यूनिलीवर के पास 49.05 करोड़, हीरो मोटोकार्प के पास 40.22 करोड़ और टाटा स्टील 38.53 करोड़ रुपये पड़ा है।
अन्य कंपनियों में लक्ष्मी विलास बैंक (34.14 करोड़), आईसीआईसीआई बैंक (19.17 करोड़ रुपये) लार्सन एण्ड टुब्रो (18.69 करोड़) और आईडीबीआई बैंक (13.59 करोड़ रुपये) प्रमुख हैं।
मंत्री ने ‘एमसीए 21’ पोर्टल पर उपलब्ध जानकारी का हवाला देते हुए कहा ‘1,406 कंपनियों के पास बिना दावे के और बिना भुगतान के 1,101.35 करोड़ रुपये की राशि पड़ी हुई है।’ रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड इस मामले में सबसे ऊपर है। रिलायंस के पास 113 करोड़ रुपये बिना दावे का पड़ा है। इसके बाद आईटीसी के पास 74.34 करोड़ रुपये, हिन्दुस्तान यूनिलीवर के पास 49.05 करोड़, हीरो मोटोकार्प के पास 40.22 करोड़ और टाटा स्टील 38.53 करोड़ रुपये पड़ा है।
अन्य कंपनियों में लक्ष्मी विलास बैंक (34.14 करोड़), आईसीआईसीआई बैंक (19.17 करोड़ रुपये) लार्सन एण्ड टुब्रो (18.69 करोड़) और आईडीबीआई बैंक (13.59 करोड़ रुपये) प्रमुख हैं।
अन्य कंपनियों में लक्ष्मी विलास बैंक (34.14 करोड़), आईसीआईसीआई बैंक (19.17 करोड़ रुपये) लार्सन एण्ड टुब्रो (18.69 करोड़) और आईडीबीआई बैंक (13.59 करोड़ रुपये) प्रमुख हैं। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: कंपनियों के पास शेयरधारकों का 1,101 करोड़ रुपये का लाभांश बिना दावे अथवा बिना भुगतान के पड़ा है। रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड 113 करोड़ रुपये ऐसी लाभांश राशि के साथ सबसे शीर्ष पर है। यह जानकारी संसद को दी गई। | 19 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: गर्ग ने यहां भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) के वैश्विक उद्योग संघ सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘ मेरा मानना है कि यह सोचना काफी उचित होगा कि यदि अर्थव्यवस्था अगले 7-8 साल तक वस्तुओं और सेवाओं का उत्पादन करती है और मांग का सृजन होता है, हम 2025 तक अर्थव्यवस्था के आकार को5,000 अरब डॉलर तक पहुंचा सकेंगे। यह एक उचित लक्ष्य है.’’ टिप्पणियां
फिलहाल भारत के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का आकार 2,500 अरब डॉलर (162,50,000 करोड़ रुपये) है और यह दुनिया की छठी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है. मुद्रास्फीति के बारे में गर्ग ने कहा कि यह काफी हद तक रिजर्व बैंक के लक्ष्य चार प्रतिशत (दो प्रतिशत ऊपर या नीचे) के दायरे में है. थोक मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति फरवरी में सात महीने के निचले स्तर 2.48 प्रतिशत पर आ गई है. उपभोक्ता मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति फरवरी में चार महीने के निचले स्तर4.44 प्रतिशत पर रही है. रिजर्व बैंक ने अपनी फरवरी की मौद्रिक समीक्षा में नीतिगत दरों में बदलाव नहीं किया था.
रिजर्व बैंक मौद्रिक नीति की समीक्षा करते समय खुदरा मुद्रास्फीति पर गौर करता है.
फिलहाल भारत के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का आकार 2,500 अरब डॉलर (162,50,000 करोड़ रुपये) है और यह दुनिया की छठी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है. मुद्रास्फीति के बारे में गर्ग ने कहा कि यह काफी हद तक रिजर्व बैंक के लक्ष्य चार प्रतिशत (दो प्रतिशत ऊपर या नीचे) के दायरे में है. थोक मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति फरवरी में सात महीने के निचले स्तर 2.48 प्रतिशत पर आ गई है. उपभोक्ता मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति फरवरी में चार महीने के निचले स्तर4.44 प्रतिशत पर रही है. रिजर्व बैंक ने अपनी फरवरी की मौद्रिक समीक्षा में नीतिगत दरों में बदलाव नहीं किया था.
रिजर्व बैंक मौद्रिक नीति की समीक्षा करते समय खुदरा मुद्रास्फीति पर गौर करता है.
रिजर्व बैंक मौद्रिक नीति की समीक्षा करते समय खुदरा मुद्रास्फीति पर गौर करता है. | संक्षिप्त सारांश: भारतीय अर्थव्यवस्था 2025 तक दोगुना होकर 5,000 अरब डॉलर की होगी
मुद्रास्फीति के लक्ष्य को लेकर कोई खतरा नहीं है
देश सात से आठ प्रतिशत की वृद्धि दर हासिल करने की ओर अग्रसर है | 8 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: करीब आठ महीने के लंबे इंतजार के बाद आखिर केयर्न एनर्जी और वेदांता रिसोर्सेज के बीच हुए केयर्न इंडिया के अधिग्रहण सौदे पर अमल की दिशा में कदम आगे बढ़ते दिखाई दिए हैं। पूंजी बाजार नियामक भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) ने केयर्न इंडिया में 51 प्रतिशत हिस्सेदारी के अधिग्रहण के लिए वेदांता समूह को मंजूरी दे दी। वेदांता समूह के चेयरमैन अनिल अग्रवाल ने स्वयं यह जानकारी यहां संवाददाताओं को दी है। ब्रिटेन स्थित भारतीय मूल के अरबपति उद्योगपति अनिल अग्रवाल की वेदांता रिसोर्सेज ने ब्रिटेन की ही वेदांता एनर्जी के साथ केयर्न इंडिया की बहुलांश हिस्सेदारी 9.6 अरब डॉलर में खरीदने का सौदा किया था। केयर्न इंडिया की भारत में राजस्थान के बाड़मेर तेल क्षेत्र सहित करीब दस तेल एवं गैस परिसंपत्तियां हैं। अग्रवाल ने कहा, हमें सेबी की मंजूरी पहले ही मिल चुकी है। अब खुली पेशकश इश्यू जल्द आएगा, यह अगले एक अथवा दो दिन में खुल सकता है। हम इस बारे में सभी को संदेश भेजेंगे। अग्रवाल ने विश्वास जताया कि अधिग्रहण सौदे को सरकार की मंजूरी भी जल्द मिल जायेगी। उन्होंने कहा, हमारे पास 15 अप्रैल तक समय है, मुझे उम्मीद है कि सरकार इससे पहले ही इसे मंजूरी दे देगी .. रॉयल्टी का मुद्दा सरकार और ओएनजीसी के साथ सुलझा लिया जाएगा। इस मुद्दे को हम बाद में देखेंगे। | यहाँ एक सारांश है:पूंजी बाजार नियामक भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड ने केयर्न इंडिया में 51 % हिस्सेदारी के अधिग्रहण के लिए वेदांता समूह को मंजूरी दे दी। | 18 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी ने सुरक्षा और घृणा फैलाने से रोकने के नाम पर केंद्र सरकार द्वारा माइक्रो ब्लॉगिंग वेबसाइट ट्विटर के कई खातों को बंद करने के फैसले की कड़ी आलोचना की है। यहां तक कि मोदी ने अपने एकाउंट पर काली तस्वीर लगा दी है।टिप्पणियां
नरेंद्र मोदी ने अपने ट्विटर एकाउंट पर काली तस्वीर लगाते हुए ट्वीट किया, एक आम आदमी के नाते मैं अभिव्यक्ति की आजादी के खिलाफ भारत सरकार की कार्रवाई के विरोध में शामिल हो रहा हूं। मैं अपने डिस्प्ले पिक्चर को बदल रहा हूं। सबको सम्मति दे भगवान...
महात्मा गांधी के पड़पोते तथा सामाजिक कार्यकर्ता व स्तंभकार तुषार गांधी ने लिखा, सरकार ट्विटर पर अभिव्यक्ति की आजादी की अनुमति नहीं दे रही है और विपक्ष उसे संसद में बोलने नहीं दे रहा है। उन्होंने कहा, मैं भारत सरकार को ऐसे ट्वीट्स की एक सूची भेज रहा हूं, जिन्हें मैं अपने टाइम लाइन से ब्लॉक करना चाहता हूं। यदि वे प्रधानमंत्री को सुरक्षित कर सकते हैं, तो मुझे क्यों नहीं?
नरेंद्र मोदी ने अपने ट्विटर एकाउंट पर काली तस्वीर लगाते हुए ट्वीट किया, एक आम आदमी के नाते मैं अभिव्यक्ति की आजादी के खिलाफ भारत सरकार की कार्रवाई के विरोध में शामिल हो रहा हूं। मैं अपने डिस्प्ले पिक्चर को बदल रहा हूं। सबको सम्मति दे भगवान...
महात्मा गांधी के पड़पोते तथा सामाजिक कार्यकर्ता व स्तंभकार तुषार गांधी ने लिखा, सरकार ट्विटर पर अभिव्यक्ति की आजादी की अनुमति नहीं दे रही है और विपक्ष उसे संसद में बोलने नहीं दे रहा है। उन्होंने कहा, मैं भारत सरकार को ऐसे ट्वीट्स की एक सूची भेज रहा हूं, जिन्हें मैं अपने टाइम लाइन से ब्लॉक करना चाहता हूं। यदि वे प्रधानमंत्री को सुरक्षित कर सकते हैं, तो मुझे क्यों नहीं?
महात्मा गांधी के पड़पोते तथा सामाजिक कार्यकर्ता व स्तंभकार तुषार गांधी ने लिखा, सरकार ट्विटर पर अभिव्यक्ति की आजादी की अनुमति नहीं दे रही है और विपक्ष उसे संसद में बोलने नहीं दे रहा है। उन्होंने कहा, मैं भारत सरकार को ऐसे ट्वीट्स की एक सूची भेज रहा हूं, जिन्हें मैं अपने टाइम लाइन से ब्लॉक करना चाहता हूं। यदि वे प्रधानमंत्री को सुरक्षित कर सकते हैं, तो मुझे क्यों नहीं? | यहाँ एक सारांश है:नरेंद्र मोदी ने सुरक्षा और घृणा फैलाने से रोकने के नाम पर केंद्र सरकार द्वारा ट्विटर के कई खातों को बंद करने के फैसले की कड़ी आलोचना करते हुए अपने एकाउंट पर काली तस्वीर लगा दी है। | 15 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारत के स्टार बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर को भारत रत्न मिलने के बीच अब फासला कम हो गया है, क्योंकि इस पुरस्कार और सचिन के बीच मुश्किल बन रहे नियम को भारत सरकार ने हटा दिया है और नियमों में कुछ बदलाव किए हैं। पहले देश का यह सर्वोच्च पुरस्कार कला, साहित्य, विज्ञान और जनसेवा के क्षेत्रों में दिया जाता था और इसीलिए किसी भी खिलाड़ी को यह पुरस्कार आज तक नहीं मिला। अब इस नियम में बदलाव करते हुए भारत सरकार ने इसे किसी भी क्षेत्र में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वालों को देने का फैसला किया है। साफ है कि अब सचिन तेंदुलकर और ध्यानचंद को बहुत जल्द भारत रत्न से नवाजा जा सकता है।वैसे काफी लंबे समय से सचिन तेंदुलकर को यह सम्मान दिए जाने की बात कही जा रही है और पिछले 22 सालों से सचिन ने क्रिकेट के मैदान पर वह सब कुछ हासिल किया है, जो उन्हें इस सम्मान के लायक बनाता है। हालांकि उनके फैन्स तो यहां तक कहते हैं कि भारत रत्न मिले न मिले, सचिन फैन्स के दिलों में रत्न ही हैं। उधर, खेल के जानकार और हॉकी के कद्रदानों का मानना है कि एक खिलाड़ी ऐसा है, जिसे भारत रत्न सचिन से भी पहले मिल जाना चाहिए और वह हैं हॉकी के जादूगर ध्यानचंद। उन्हें हॉकी का ब्रैडमैन कहा जाता है और उन्हीं के जन्मदिन पर 29 अगस्त को खेल दिवस मनाया जाता है। | यहाँ एक सारांश है:तेंदुलकर को भारत रत्न मिलने के बीच अब फासला कम हो गया है, क्योंकि इस पुरस्कार और सचिन के बीच मुश्किल बन रहे नियम को सरकार ने हटा दिया है। | 12 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के होमटाउन वडनगर में तेजी से विकास का काम चल रहा है. फिलहाल मुश्किल से दो मीटर गेज ट्रेनें आती हैं, लेकिन जल्द यहां कई ब्रॉड गेज लाइन की ट्रेनें रूका करेंगी. पूरे स्टेशन का 6 करोड़ के खर्च से मेकओवर हो रहा है. इससे उस चाय की दुकान के भी दोबारा अच्छी चलने की उम्मीद है, जहां प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी शुरू में परिवार के साथ चाय बेचा करते थे.
कंसलटेंट इंजीनियर हिरेन वाघेला कहते हैं कि वो काफी कुछ दुरूस्त करना चाहते हैं, लेकिन जो चाय की दुकान थी, उसे वैसे ही रखा जाएगा, तभी उसका आकर्षण रहेगा.. प्रधानमंत्री की शुरुआती यादें रहेंगी. अगर उसे भी बदल दिया गया तो वो याद खत्म हो जाएगी.
इस विकास पर शहर के लोग खासकर प्रधानमंत्री के 45 साल के चचेरे भाई अरविंद मोदी कहते हैं, दूसरे शहरों के साथ जुड़ने में बहुत मदद रहेगी. फिलहाल यहां के लोगों को दूर के बडे़ शहरों में जाने के लिए पहले महेसाणा जाना पडता है और फिर वहां से ट्रेन मिलती है. ब्रॉडगेज बन गया तो वडनगर से ही ट्रेन मिल जाया करेगी. टिप्पणियां
ये पूरा काम पर्यटन मंत्रालय द्वारा 100 करोड़ के खर्च से तैयार किए जा रहे टूरिस्ट सर्किट का हिस्सा हैं. इस सर्किट में वडनगर के साथ अंतरराष्ट्रीय पुरातत्व स्थल पाटण और सूर्यमंदिर का मोढेरा भी शामिल है. वडनगर का एक और आकर्षण पिछले दिनों पुरातत्व विभाग द्वारा खोजा गया प्राचीन बौद्ध मठ भी होगा. साथ ही महज 30,000 की बस्तीवाले शहर में 450 करोड़ के खर्च से एक अत्याधुनिक हॉस्पिटल भी बनेगा.
हालांकि अब भी शहर में कुछ जगहों पर गंदगी और कुछ इलाके विकास से वंचित हैं. ऐसे में कुछ शहरी ये भी मानते हैं कि विकास की योजनाएं तो बन रही हैं, लेकिन शहर की शक्ल नहीं बदल रही और उसमें भ्रष्टाचार हो रहा है, लेकिन आशंकाओं के बीच शहर को वीआईपी शहर होने के फायदे साफ नजर आते हैं.
कंसलटेंट इंजीनियर हिरेन वाघेला कहते हैं कि वो काफी कुछ दुरूस्त करना चाहते हैं, लेकिन जो चाय की दुकान थी, उसे वैसे ही रखा जाएगा, तभी उसका आकर्षण रहेगा.. प्रधानमंत्री की शुरुआती यादें रहेंगी. अगर उसे भी बदल दिया गया तो वो याद खत्म हो जाएगी.
इस विकास पर शहर के लोग खासकर प्रधानमंत्री के 45 साल के चचेरे भाई अरविंद मोदी कहते हैं, दूसरे शहरों के साथ जुड़ने में बहुत मदद रहेगी. फिलहाल यहां के लोगों को दूर के बडे़ शहरों में जाने के लिए पहले महेसाणा जाना पडता है और फिर वहां से ट्रेन मिलती है. ब्रॉडगेज बन गया तो वडनगर से ही ट्रेन मिल जाया करेगी. टिप्पणियां
ये पूरा काम पर्यटन मंत्रालय द्वारा 100 करोड़ के खर्च से तैयार किए जा रहे टूरिस्ट सर्किट का हिस्सा हैं. इस सर्किट में वडनगर के साथ अंतरराष्ट्रीय पुरातत्व स्थल पाटण और सूर्यमंदिर का मोढेरा भी शामिल है. वडनगर का एक और आकर्षण पिछले दिनों पुरातत्व विभाग द्वारा खोजा गया प्राचीन बौद्ध मठ भी होगा. साथ ही महज 30,000 की बस्तीवाले शहर में 450 करोड़ के खर्च से एक अत्याधुनिक हॉस्पिटल भी बनेगा.
हालांकि अब भी शहर में कुछ जगहों पर गंदगी और कुछ इलाके विकास से वंचित हैं. ऐसे में कुछ शहरी ये भी मानते हैं कि विकास की योजनाएं तो बन रही हैं, लेकिन शहर की शक्ल नहीं बदल रही और उसमें भ्रष्टाचार हो रहा है, लेकिन आशंकाओं के बीच शहर को वीआईपी शहर होने के फायदे साफ नजर आते हैं.
इस विकास पर शहर के लोग खासकर प्रधानमंत्री के 45 साल के चचेरे भाई अरविंद मोदी कहते हैं, दूसरे शहरों के साथ जुड़ने में बहुत मदद रहेगी. फिलहाल यहां के लोगों को दूर के बडे़ शहरों में जाने के लिए पहले महेसाणा जाना पडता है और फिर वहां से ट्रेन मिलती है. ब्रॉडगेज बन गया तो वडनगर से ही ट्रेन मिल जाया करेगी. टिप्पणियां
ये पूरा काम पर्यटन मंत्रालय द्वारा 100 करोड़ के खर्च से तैयार किए जा रहे टूरिस्ट सर्किट का हिस्सा हैं. इस सर्किट में वडनगर के साथ अंतरराष्ट्रीय पुरातत्व स्थल पाटण और सूर्यमंदिर का मोढेरा भी शामिल है. वडनगर का एक और आकर्षण पिछले दिनों पुरातत्व विभाग द्वारा खोजा गया प्राचीन बौद्ध मठ भी होगा. साथ ही महज 30,000 की बस्तीवाले शहर में 450 करोड़ के खर्च से एक अत्याधुनिक हॉस्पिटल भी बनेगा.
हालांकि अब भी शहर में कुछ जगहों पर गंदगी और कुछ इलाके विकास से वंचित हैं. ऐसे में कुछ शहरी ये भी मानते हैं कि विकास की योजनाएं तो बन रही हैं, लेकिन शहर की शक्ल नहीं बदल रही और उसमें भ्रष्टाचार हो रहा है, लेकिन आशंकाओं के बीच शहर को वीआईपी शहर होने के फायदे साफ नजर आते हैं.
ये पूरा काम पर्यटन मंत्रालय द्वारा 100 करोड़ के खर्च से तैयार किए जा रहे टूरिस्ट सर्किट का हिस्सा हैं. इस सर्किट में वडनगर के साथ अंतरराष्ट्रीय पुरातत्व स्थल पाटण और सूर्यमंदिर का मोढेरा भी शामिल है. वडनगर का एक और आकर्षण पिछले दिनों पुरातत्व विभाग द्वारा खोजा गया प्राचीन बौद्ध मठ भी होगा. साथ ही महज 30,000 की बस्तीवाले शहर में 450 करोड़ के खर्च से एक अत्याधुनिक हॉस्पिटल भी बनेगा.
हालांकि अब भी शहर में कुछ जगहों पर गंदगी और कुछ इलाके विकास से वंचित हैं. ऐसे में कुछ शहरी ये भी मानते हैं कि विकास की योजनाएं तो बन रही हैं, लेकिन शहर की शक्ल नहीं बदल रही और उसमें भ्रष्टाचार हो रहा है, लेकिन आशंकाओं के बीच शहर को वीआईपी शहर होने के फायदे साफ नजर आते हैं.
हालांकि अब भी शहर में कुछ जगहों पर गंदगी और कुछ इलाके विकास से वंचित हैं. ऐसे में कुछ शहरी ये भी मानते हैं कि विकास की योजनाएं तो बन रही हैं, लेकिन शहर की शक्ल नहीं बदल रही और उसमें भ्रष्टाचार हो रहा है, लेकिन आशंकाओं के बीच शहर को वीआईपी शहर होने के फायदे साफ नजर आते हैं. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: वडनगर स्टेशन का 6 करोड़ के खर्च से मेकओवर हो रहा है.
कंसलटेंट इंजीनियर हिरेन कहते हैं कि वो काफी कुछ दुरूस्त करना चाहते हैं.
हालांकि अब भी शहर में कुछ जगहों पर गंदगी और कुछ इलाके विकास से वंचित हैं. | 32 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: उत्तर प्रदेश में केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की टीम ने राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन (एनआरएचएम) घोटाले से जुड़े मामले में मायावती सरकार के दौरान स्वास्थ्य मंत्री रहे अनंत मिश्र के घर पर शनिवार तड़के छापा मारा।टिप्पणियां
सीबीआई की टीम शनिवार तड़के मिश्र के लखनऊ स्थित आवास पर पहुंची। टीम अभी उनके आवास पर गहन जांच में जुटी हुई है। सूत्रों के मुताबिक सीबीआई की टीम ने पूर्व स्वास्थ्य मंत्री अनंत मिश्र के आवास के अलावा लखनऊ एवं कानपुर में कई अन्य जगहों पर भी छापेमारी की कार्रवाई को अंजाम दिया है।
मिश्र के आवास पर छापेमारी के दौरान सीबीआई की टीम के साथ भारी संख्या में पुलिस भी मौजूद है। छापेमारी के दौरान सीबीआई को कई अहम दस्तावेज मिले हैं। मिश्र के घर से मिले कम्प्यूटर हार्ड डिस्क को भी जब्त कर लिया गया है। उल्लेखनीय है कि एनआरएचएम घोटाले को लेकर सीबीआई पूर्व स्वास्थ्य मंत्री मिश्र से दो बार पूछताछ कर चुकी है।
सीबीआई की टीम शनिवार तड़के मिश्र के लखनऊ स्थित आवास पर पहुंची। टीम अभी उनके आवास पर गहन जांच में जुटी हुई है। सूत्रों के मुताबिक सीबीआई की टीम ने पूर्व स्वास्थ्य मंत्री अनंत मिश्र के आवास के अलावा लखनऊ एवं कानपुर में कई अन्य जगहों पर भी छापेमारी की कार्रवाई को अंजाम दिया है।
मिश्र के आवास पर छापेमारी के दौरान सीबीआई की टीम के साथ भारी संख्या में पुलिस भी मौजूद है। छापेमारी के दौरान सीबीआई को कई अहम दस्तावेज मिले हैं। मिश्र के घर से मिले कम्प्यूटर हार्ड डिस्क को भी जब्त कर लिया गया है। उल्लेखनीय है कि एनआरएचएम घोटाले को लेकर सीबीआई पूर्व स्वास्थ्य मंत्री मिश्र से दो बार पूछताछ कर चुकी है।
मिश्र के आवास पर छापेमारी के दौरान सीबीआई की टीम के साथ भारी संख्या में पुलिस भी मौजूद है। छापेमारी के दौरान सीबीआई को कई अहम दस्तावेज मिले हैं। मिश्र के घर से मिले कम्प्यूटर हार्ड डिस्क को भी जब्त कर लिया गया है। उल्लेखनीय है कि एनआरएचएम घोटाले को लेकर सीबीआई पूर्व स्वास्थ्य मंत्री मिश्र से दो बार पूछताछ कर चुकी है। | संक्षिप्त पाठ: उत्तर प्रदेश में सीबीआई की टीम ने राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन (घोटाले से जुड़े मामले में मायावती सरकार के दौरान स्वास्थ्य मंत्री रहे अनंत मिश्र के घर पर शनिवार तड़के छापा मारा। | 27 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पाकिस्तान में अलग-अलग घटनाओं में शिया समुदाय से ताल्लुक रखने वाले छह लोगों की हत्या कर दी गई जिसमें तीन वकील शामिल हैं।टिप्पणियां
अधिकारियों ने बताया कि कुछ अज्ञात बंदूकधारियों ने कराची के सिटी कोर्ट परिसर के निकट तीन वकीलों बदर मुनीर जाफरी, शकील जाफरी और कफील जाफरी की हत्या कर दी। ये तीनों एक ही परिवार से थे। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि हमलावरों की संख्या चार थी। हमले में एक अन्य वकील घायल भी हुआ है। हमले के बाद हमलावर भाग निकलने में कामयाब रहे।
इस हमले की जिम्मेदारी किसी संगठन अथवा व्यक्ति ने नहीं ली है। घायल वकील का ऑपरेशन किया गया है और चिकित्सकों का कहना है कि वह खतरे से बाहर है। एक अन्य हमले में बलूचिस्तान प्रांत के क्वेटा में बंदूकधारियों के एक कार पर हमला कर एफआईए निरीक्षक विलायत हुसैन, टेलीविजन अदाकार आबिद अली नाजिश और कवि मो. अनवर की हत्या कर दी। ये तीनों हाजरा शिया समुदाय के थे ।
अधिकारियों ने बताया कि कुछ अज्ञात बंदूकधारियों ने कराची के सिटी कोर्ट परिसर के निकट तीन वकीलों बदर मुनीर जाफरी, शकील जाफरी और कफील जाफरी की हत्या कर दी। ये तीनों एक ही परिवार से थे। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि हमलावरों की संख्या चार थी। हमले में एक अन्य वकील घायल भी हुआ है। हमले के बाद हमलावर भाग निकलने में कामयाब रहे।
इस हमले की जिम्मेदारी किसी संगठन अथवा व्यक्ति ने नहीं ली है। घायल वकील का ऑपरेशन किया गया है और चिकित्सकों का कहना है कि वह खतरे से बाहर है। एक अन्य हमले में बलूचिस्तान प्रांत के क्वेटा में बंदूकधारियों के एक कार पर हमला कर एफआईए निरीक्षक विलायत हुसैन, टेलीविजन अदाकार आबिद अली नाजिश और कवि मो. अनवर की हत्या कर दी। ये तीनों हाजरा शिया समुदाय के थे ।
इस हमले की जिम्मेदारी किसी संगठन अथवा व्यक्ति ने नहीं ली है। घायल वकील का ऑपरेशन किया गया है और चिकित्सकों का कहना है कि वह खतरे से बाहर है। एक अन्य हमले में बलूचिस्तान प्रांत के क्वेटा में बंदूकधारियों के एक कार पर हमला कर एफआईए निरीक्षक विलायत हुसैन, टेलीविजन अदाकार आबिद अली नाजिश और कवि मो. अनवर की हत्या कर दी। ये तीनों हाजरा शिया समुदाय के थे । | सारांश: पाकिस्तान में अलग-अलग घटनाओं में शिया समुदाय से ताल्लुक रखने वाले छह लोगों की हत्या कर दी गई जिसमें तीन वकील शामिल हैं। | 31 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: Commando 3 Box Office Collection Day 5: बॉलीवुड एक्टर विद्युत जामवाल (Vidyut Jammwal) और एक्ट्रेस अदा शर्मा (Adah Sharma) की फिल्म 'कमांडो 3 (Commando 3)' को रिलीज हुए अब पांच दिन पूरे हो गए हैं. फिल्म लगातार बॉक्स ऑफिस पर अच्छा प्रदर्शन कर रही है. एक्शन सीक्वेंस और देशभक्ति की कहानी पर आधारित यह फिल्म दर्शकों को भी काफी लुभा रही है. विद्युत जामवाल की फिल्म ने पांचवें दिन ठीकठाक प्रदर्शन किया. फिल्म की कमाई को देखते हुए अंदाजा लगाया जा रहा है कि 'कमांडो 3 (Commando 3 Box Office Collection)' ने मंगलवार को 2 करोड़ रुपये की कमाई की है.
'दंगल गर्ल' बबीता फोगाट ने 8 फेरे लेकर रचाया ब्याह, आमिर खान का यूं आया रिएक्शन
विद्युत जामवाल (Vidyut Jammwal) और अदा शर्मा (Adah Sharma) की फिल्म 'कमांडो 3 (Commando 3)' ने चौथे दिन यानी सोमवा 3 से 3.25 करोड़ रुपये की कमाई की थी. बता दें, इस हिसाब से फिल्म ने अब तक फिल्म ने 21.75 करोड़ रुपये की कमाई की है. हालांकि, अभी इसके कोई आधिकारिक आंकड़ें नहीं आए हैं. वहीं, फिल्म 'कमांडो 3' में अदा शर्मा और विद्युत जामवाल के अलावा एक्ट्रेस अंगिरा धर (Angira Dhar) भी मुख्य भूमिका निभाती नजर आ रही हैं.
कार्तिक आर्यन ने खोला अपने करियर से जुड़ा राज, बोले- स्टूडियो के बाहर से ही कर देते थे रिजेक्ट और...
अगर फिल्म की कहानी की बात करें, तो यह फिल्म विद्युत जामवाल (Vidyut Jammwal) यानी कमांडो करण सिंह डोगरा के इर्द गिर्द घूमती है. फिल्म में करण लंदन में एक अंजान शख्स को ढूंढ रहे हैं, जो भारत पर आतंकवादी हमला करके, भारत को दहलाने की कोशिश करना चाहता है. करण के इस मिशन पर उन्हें अदा शर्मा (Adah Sharma) और अंगिरा धर (Angira Dhar) का साथ मिलता है. यह तीनों मिलकर शख्स के मनसूबों को नाकामयाब करने में सफल हो जाते हैं. फिल्म की कहानी अच्छी है, साथ ही इसमें एक्शन सीक्वेंस भी काफी कमाल के हैं. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: विद्युत जामवाल की फिल्म हुई रिलीज
'कमांडो 3' ने पांचवें दिन किया इतना कलेक्शन
दर्शकों को खूब लुभा रही है फिल्म | 11 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारतीय क्रिकेट के सर्वश्रेष्ठ कप्तानों में शुमार सौरव गांगुली ने आज अपना 41वां जन्मदिन सादगी से मनाया जबकि बेहाला स्थित उनके आवास के बाहर सुबह से ही स्कूली बच्चों और प्रशंसकों का बधाई देने के लिए तांता लगा रहा।
गांगुली आज सुबह सिंगापुर में व्यवसाय संबंधी एक बैठक में भाग लेकर लौटे, लेकिन उन्होंने समूह में आए अपने प्रशंसकों को निराश नहीं किया और उनके सामने केक काटा।
इस साल फरवरी में अपने पिता चंडीदास गांगुली के निधन के बाद गांगुली का यह पहला जन्मदिन था और वह काफी दुखी और भावुक दिखे।टिप्पणियां
उन्होंने कहा, मैं इस बार जन्मदिन नहीं मना रहा हूं। इस साल की शुरुआत दुखद रही। अपने प्रशंसकों को जन्मदिन पर संदेश में उन्होंने कहा, आप जो भी करें, उसमें कुछ हासिल करने की कोशिश करें। कुछ अलग हटकर करें वरना जिंदगी नीरस हो जाएगी। सुसना के जीबी मेमोरियल इंस्टीटयूट की क्रिकेट टीम बड़ा-सा केक और गुलदस्ता लेकर गांगुली के घर पहुंची थी, जबकि बेहाला में सौरव गांगुली फैन क्लब के 30 सदस्यों ने उन्हें ग्रामोफोन रिकार्ड से बनी घड़ी भेंट की।
क्लब के रतन हलधर ने कहा, हम दादा को तब से बधाई देते आए हैं जब वह भारत के कप्तान बने थे। हमारे लिए यह बड़ा दिन है और हम दादा के नाम पर मिठाइयां और केक बांटेंगे। इंस्टीटयूट के कोच शांतनु शाह ने कहा, दादा हम सभी के लिए प्रेरणा हैं। इन उदीयमान क्रिकेटरों के लिए यह बड़ा मौका है।
गांगुली आज सुबह सिंगापुर में व्यवसाय संबंधी एक बैठक में भाग लेकर लौटे, लेकिन उन्होंने समूह में आए अपने प्रशंसकों को निराश नहीं किया और उनके सामने केक काटा।
इस साल फरवरी में अपने पिता चंडीदास गांगुली के निधन के बाद गांगुली का यह पहला जन्मदिन था और वह काफी दुखी और भावुक दिखे।टिप्पणियां
उन्होंने कहा, मैं इस बार जन्मदिन नहीं मना रहा हूं। इस साल की शुरुआत दुखद रही। अपने प्रशंसकों को जन्मदिन पर संदेश में उन्होंने कहा, आप जो भी करें, उसमें कुछ हासिल करने की कोशिश करें। कुछ अलग हटकर करें वरना जिंदगी नीरस हो जाएगी। सुसना के जीबी मेमोरियल इंस्टीटयूट की क्रिकेट टीम बड़ा-सा केक और गुलदस्ता लेकर गांगुली के घर पहुंची थी, जबकि बेहाला में सौरव गांगुली फैन क्लब के 30 सदस्यों ने उन्हें ग्रामोफोन रिकार्ड से बनी घड़ी भेंट की।
क्लब के रतन हलधर ने कहा, हम दादा को तब से बधाई देते आए हैं जब वह भारत के कप्तान बने थे। हमारे लिए यह बड़ा दिन है और हम दादा के नाम पर मिठाइयां और केक बांटेंगे। इंस्टीटयूट के कोच शांतनु शाह ने कहा, दादा हम सभी के लिए प्रेरणा हैं। इन उदीयमान क्रिकेटरों के लिए यह बड़ा मौका है।
इस साल फरवरी में अपने पिता चंडीदास गांगुली के निधन के बाद गांगुली का यह पहला जन्मदिन था और वह काफी दुखी और भावुक दिखे।टिप्पणियां
उन्होंने कहा, मैं इस बार जन्मदिन नहीं मना रहा हूं। इस साल की शुरुआत दुखद रही। अपने प्रशंसकों को जन्मदिन पर संदेश में उन्होंने कहा, आप जो भी करें, उसमें कुछ हासिल करने की कोशिश करें। कुछ अलग हटकर करें वरना जिंदगी नीरस हो जाएगी। सुसना के जीबी मेमोरियल इंस्टीटयूट की क्रिकेट टीम बड़ा-सा केक और गुलदस्ता लेकर गांगुली के घर पहुंची थी, जबकि बेहाला में सौरव गांगुली फैन क्लब के 30 सदस्यों ने उन्हें ग्रामोफोन रिकार्ड से बनी घड़ी भेंट की।
क्लब के रतन हलधर ने कहा, हम दादा को तब से बधाई देते आए हैं जब वह भारत के कप्तान बने थे। हमारे लिए यह बड़ा दिन है और हम दादा के नाम पर मिठाइयां और केक बांटेंगे। इंस्टीटयूट के कोच शांतनु शाह ने कहा, दादा हम सभी के लिए प्रेरणा हैं। इन उदीयमान क्रिकेटरों के लिए यह बड़ा मौका है।
उन्होंने कहा, मैं इस बार जन्मदिन नहीं मना रहा हूं। इस साल की शुरुआत दुखद रही। अपने प्रशंसकों को जन्मदिन पर संदेश में उन्होंने कहा, आप जो भी करें, उसमें कुछ हासिल करने की कोशिश करें। कुछ अलग हटकर करें वरना जिंदगी नीरस हो जाएगी। सुसना के जीबी मेमोरियल इंस्टीटयूट की क्रिकेट टीम बड़ा-सा केक और गुलदस्ता लेकर गांगुली के घर पहुंची थी, जबकि बेहाला में सौरव गांगुली फैन क्लब के 30 सदस्यों ने उन्हें ग्रामोफोन रिकार्ड से बनी घड़ी भेंट की।
क्लब के रतन हलधर ने कहा, हम दादा को तब से बधाई देते आए हैं जब वह भारत के कप्तान बने थे। हमारे लिए यह बड़ा दिन है और हम दादा के नाम पर मिठाइयां और केक बांटेंगे। इंस्टीटयूट के कोच शांतनु शाह ने कहा, दादा हम सभी के लिए प्रेरणा हैं। इन उदीयमान क्रिकेटरों के लिए यह बड़ा मौका है।
क्लब के रतन हलधर ने कहा, हम दादा को तब से बधाई देते आए हैं जब वह भारत के कप्तान बने थे। हमारे लिए यह बड़ा दिन है और हम दादा के नाम पर मिठाइयां और केक बांटेंगे। इंस्टीटयूट के कोच शांतनु शाह ने कहा, दादा हम सभी के लिए प्रेरणा हैं। इन उदीयमान क्रिकेटरों के लिए यह बड़ा मौका है। | संक्षिप्त सारांश: गांगुली आज सुबह सिंगापुर में व्यवसाय संबंधी एक बैठक में भाग लेकर लौटे, लेकिन उन्होंने समूह में आए अपने प्रशंसकों को निराश नहीं किया और उनके सामने केक काटा। | 10 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: कपिल देव को बीसीसीआई की एकमुश्त लाभार्थ सूची से हटाया गया है या नहीं इसको लेकर अभी जहां अनिश्चितता बनी हुई है, वहीं इस पूर्व कप्तान ने कहा कि क्रिकेट बोर्ड के अधिकारी बॉस हैं और यह उनका फैसला है। कपिल ने कहा, वे बॉस हैं। उन्हें वही करने दो, जो वे चाहते हैं। इस मसले पर बात करने का क्या मतलब बनता है।
भारत की 1983 की विश्व चैंपियन टीम के कप्तान कपिल को बीसीसीआई ने आईपीएल के उन चार स्थानों पर आमंत्रित नहीं किया है, जहां पूर्व क्रिकेटरों को भारतीय क्रिकेटर की सेवा के लिए चेक देकर सम्मानित किया जा रहा है। कपिल ने 131 टेस्ट और 225 एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैच खेले और उन्हें क्रिकेट जगत के सर्वकालिक महान ऑलराउंडरों में गिना जाता है। बीसीसीआई की योजना के अनुसार उन्हें डेढ़ करोड़ रुपये मिलने चाहिए।टिप्पणियां
कपिल ने कहा, मैं संतोषी व्यक्ति हूं और इस तरह की बातें मुझे परेशान नहीं करती। मैंने भारत की तरफ से खेलने का लुत्फ उठाया और यह महत्वपूर्ण है। मैं इसके अलावा कुछ नहीं कर सकता। मैं नकारात्मक बातें करके सहज महसूस नहीं करता। मैं बेहद सकारात्मक इंसान हूं और मैं नकारात्मक चीजों के बारे में बात नहीं करता।
माना जा रहा है कि बीसीसीआई ने कपिल को इसलिए, नजरअंदाज किया क्योंकि वह इंडियन क्रिकेट लीग में शामिल थे और उन्होंने बोर्ड की माफी स्वीकार नहीं की थी। बीसीसीआई के एक सीनियर अधिकारी ने जहां कहा कि कपिल का नाम लाभ पाने वाले खिलाड़ियों की सूची में शामिल है, वहीं कुछ अन्य अधिकारियों ने कहा कि उन्हें नजरअंदाज किया गया।
भारत की 1983 की विश्व चैंपियन टीम के कप्तान कपिल को बीसीसीआई ने आईपीएल के उन चार स्थानों पर आमंत्रित नहीं किया है, जहां पूर्व क्रिकेटरों को भारतीय क्रिकेटर की सेवा के लिए चेक देकर सम्मानित किया जा रहा है। कपिल ने 131 टेस्ट और 225 एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैच खेले और उन्हें क्रिकेट जगत के सर्वकालिक महान ऑलराउंडरों में गिना जाता है। बीसीसीआई की योजना के अनुसार उन्हें डेढ़ करोड़ रुपये मिलने चाहिए।टिप्पणियां
कपिल ने कहा, मैं संतोषी व्यक्ति हूं और इस तरह की बातें मुझे परेशान नहीं करती। मैंने भारत की तरफ से खेलने का लुत्फ उठाया और यह महत्वपूर्ण है। मैं इसके अलावा कुछ नहीं कर सकता। मैं नकारात्मक बातें करके सहज महसूस नहीं करता। मैं बेहद सकारात्मक इंसान हूं और मैं नकारात्मक चीजों के बारे में बात नहीं करता।
माना जा रहा है कि बीसीसीआई ने कपिल को इसलिए, नजरअंदाज किया क्योंकि वह इंडियन क्रिकेट लीग में शामिल थे और उन्होंने बोर्ड की माफी स्वीकार नहीं की थी। बीसीसीआई के एक सीनियर अधिकारी ने जहां कहा कि कपिल का नाम लाभ पाने वाले खिलाड़ियों की सूची में शामिल है, वहीं कुछ अन्य अधिकारियों ने कहा कि उन्हें नजरअंदाज किया गया।
कपिल ने कहा, मैं संतोषी व्यक्ति हूं और इस तरह की बातें मुझे परेशान नहीं करती। मैंने भारत की तरफ से खेलने का लुत्फ उठाया और यह महत्वपूर्ण है। मैं इसके अलावा कुछ नहीं कर सकता। मैं नकारात्मक बातें करके सहज महसूस नहीं करता। मैं बेहद सकारात्मक इंसान हूं और मैं नकारात्मक चीजों के बारे में बात नहीं करता।
माना जा रहा है कि बीसीसीआई ने कपिल को इसलिए, नजरअंदाज किया क्योंकि वह इंडियन क्रिकेट लीग में शामिल थे और उन्होंने बोर्ड की माफी स्वीकार नहीं की थी। बीसीसीआई के एक सीनियर अधिकारी ने जहां कहा कि कपिल का नाम लाभ पाने वाले खिलाड़ियों की सूची में शामिल है, वहीं कुछ अन्य अधिकारियों ने कहा कि उन्हें नजरअंदाज किया गया।
माना जा रहा है कि बीसीसीआई ने कपिल को इसलिए, नजरअंदाज किया क्योंकि वह इंडियन क्रिकेट लीग में शामिल थे और उन्होंने बोर्ड की माफी स्वीकार नहीं की थी। बीसीसीआई के एक सीनियर अधिकारी ने जहां कहा कि कपिल का नाम लाभ पाने वाले खिलाड़ियों की सूची में शामिल है, वहीं कुछ अन्य अधिकारियों ने कहा कि उन्हें नजरअंदाज किया गया। | संक्षिप्त सारांश: कपिल देव को बीसीसीआई की एकमुश्त लाभार्थ सूची से हटाया गया है या नहीं इसको लेकर अभी जहां अनिश्चितता बनी हुई है, वहीं इस पूर्व कप्तान ने कहा कि बोर्ड के अधिकारी बॉस हैं और यह उनका फैसला है। | 23 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड :सेबी: की यदि चली तो आने वाले दिनों में धनसंपत्ति प्रबंधकों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। पूंजी बाजार नियामक धनसंपत्ति प्रबंधक कंपनियों और विशेषतौर पर इनके संपर्क प्रबंधकों पर नियमन शिकंजा कसने की प्रक्रिया में है। सिटी बैंक की गुड़गांव शाखा में हाल ही में उसके संपर्क अधिकारी द्वारा किए गए 350 करोड़ रुपये के घोटाले को देखते हुए सेबी की यह सोच बनी है। इसमें बैंक के संपर्क अधिकारी ने निवेश योजनाओं में धनी निवेशकों को लुभाने के लिये जाली दस्तावेज का इस्तेमाल किया और बड़ी मछलियों को अपने जाल में फांस लिया। वित्तीय उत्पादों के इस जटिलता भरे क्षेत्र में निवेशकों के हितों की सुरक्षा के लिये सेबी का मानना है कि विभिन्न नियामकों के बीच केवल संचालन स्तर पर ही नहीं बल्कि निगरानी के स्तर पर भी बेहतर तालमेल होना चाहिये और इसके लिये गंभीर प्रयास किये जाने चाहिए। सेबी के निवेश प्रबंधन विभाग के प्रमुख कार्यकारी निदेशक केएन विद्यानाथन ने एक संगोष्ठी में इस मामले में कड़ा रुख अपनाते हुये कहा हम चुपचाप नहीं रह सकते, हमें एक साथ आगे आने की जरुरत है और यह देखना होगा कि इस संपत्ति प्रबंधन क्षेत्र का कैसे बेहतर नियमन हो सकता है। इस क्षेत्र का फैलाव अलग अलग अधिकार क्षेत्रों में है। विद्यानाथन निवेश प्रबंधन विभाग का प्रमुख होने के नाते विदेशी संस्थागत निवेशकों और म्यूचुवल फंड के कामकाज को भी देखते हैं। उन्होंने कहा यह बाजार अब काफी कुछ एडवांस हो चुका है। संपत्ति प्रबंधन का यह क्षेत्र बैंकिंग से लेकर पूंजी बाजार और बीमा नियमाकों के क्षेत्र तक फैल चुका है। हमें अब नियामकों के स्तर पर भी एकजुट होने की आवश्यकता है। केवल नीतिगत स्तर पर ही नहीं बल्कि संचालन और निगरानी के मामले में भी मिलकर काम करने की जरुरत है। वैद्यनाथन ने कहा निवेशकों के लिहाज से संपत्ति प्रबंधन कारोबार में संपर्क प्रबंधक बड़ा जोखिम है, क्योंकि संपर्क प्रबंधन के काम में लगे इस अधिकारी की कमाई निवेशकों के सीधे हित से नहीं जुडी है। इस मामले में जोखिम कवर के लिये नियामकों को आगे आना होगा। कर्वी प्राइवेट वैल्थ मैनेजमेंट के मुख्य कार्यकारी अधिकारी त्रिषिकेश परांदेकर ने कहा नियामकों के स्तर पर उठाये जाने वाले इस तरह के कदमों से निश्चित ही उद्योग को फायदा होगा और आगे उद्योग के नाम पर धब्बा नहीं लगेगा। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि कर्वी में संपर्क अधिकारी और संपत्ति प्रबधंकों के लिये जांच परख की कई चरणों की प्रक्रिया है फिर भी यदि कोई अपराध करने पर उतारु ही हो जाये तो धरती पर कोई उसे नहीं रोक सकता है। देश में घरेलू निजी संपत्ति प्रबंधन क्षेत्र इस समय 2,00,000 करोड रुपये का है और यह 25 प्रतिशत की सालाना दर से बढ़ रहा है। | सारांश: पूंजी बाजार नियामक धनसंपत्ति प्रबंधक कंपनियों और विशेषतौर पर इनके संपर्क प्रबंधकों पर नियमन शिकंजा कसने की प्रक्रिया में है। | 31 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (Indira Gandhi National Open University) ने दो नए कोर्स की शुरुआत की है, जिसकी कक्षाएं जनवरी 2020 सत्र (IGNOU January 2020 session) से शुरू कर दी जाएंगी. इग्नू ने एमए पत्रकारिता और जनसंचार (IGNOU Mass Communication) और बैचलर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन (सर्विस मैनेजमेंट) कोर्स (IGNOU BBA Course) शुरू किए हैं. बता दें कि इग्नू ने जनवरी 2020 सत्र में एडमिशन के लिए आवेदन मांगे हैं जिसके लिए 31 दिसंबर तक आवेदन किया जा सकता है. इग्नू मास्टर डिग्री, बैचलर डिग्री, पीजी डिप्लोमा, डिप्लोमा, पीजी सर्टिफिकेट और सर्टिफिकेट कोर्स में दाखिला दे रहा है.
एमए पत्रकारिता और जनसंचार कोर्स (MA in Journalism and Mass Communication) के बारे में यूनिवर्सिटी का कहना है कि ये कोर्स उन उम्मीदावारों के लिए फायदेमंद है जो कि प्रिंट मीडिया, रेडियो, टीवी, न्यू मीडिया, विज्ञापन, जनसंपर्क, मीडिया शोध के क्षेत्र में करियर बनाना चाहते हैं. यही नहीं जो मीडिया क्षेत्र में कार्यरत हैं वे भी इस कोर्स के लिए आवेदन कर सकते हैं और मास्टर्स डिग्री हासिल कर सकते हैं. इस कोर्स के लिए कोई भी ग्रेजुएट आवेदन कर सकता है. फिलहाल ये कोर्स अंग्रेजी माध्यम में है. दो साल के इस कोर्स की फीस 25,000 रुपये है जिसे 12500 रुपये प्रति वर्ष दिया जाना है.
यूनिवर्सिटी ने महाराष्ट्र नॉलेज कॉर्पोरेशन लिमिटेड के साथ मिलकर बीबीए प्रोग्राम की शुरुआत की है. इस 3 वर्षीय कोर्स को स्टूडेंट्स अधिकतम 6 साल की अवधि में पूरा कर सकते हैं. यह कोर्स 132 क्रेडिट का होगा. बीबीए कोर्स के लिए 12वीं पास योग्यता निर्धारित की गई है, कोर्स के लिए प्रवेश परीक्षा आयोजित की जाएगी. जो स्टूडेंट्स बीबीए कोर्स में एडमिशन लेना चाहते हैं वे 20 दिसंबर तक आवेदन कर सकते हैं. इस कोर्स के लिए स्टूडेंट्स को किसी भी ऐसी संस्था में कार्यरत रहने की आवश्यकता होगी जो सर्विस सेक्टर में अनुभव देती हो. | यह एक सारांश है: यूनिवर्सिटी ने दो नए कोर्स की शुरुआत की है
एमए (पत्रकारिता-जनसंचार) की फीस 25,000 रुपये है
यूनिवर्सिटी ने बीबीए ( सर्विस मैनेजमेंट) की भी शुरुआत की है | 9 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: Yuvraj Singh: टीम इंडिया के सितारा खिलाड़ी रहे युवराज सिंह (Yuvraj Singh)की छवि जुझारू क्रिकेटर की रही है. कैंसर की बीमारी से दो-दो हाथ करने के बाद उन्होंने अपने जीवट के दम पर भारतीय टीम में वापसी की थी. वर्ल्डकप 2011 में भारतीय टीम को चैंपियन बनाने में उनका अहम योगदान रहा था. इसके तुरंत बाद मेडिकल जांच में पता चला कि उन्हें कैंसर है. युवराज ने इलाज कराया और 'शान' के साथ भारतीय टीम (Team India) में लौटे. युवराज ने दावा किया है कि यो-यो टेस्ट पास करने के बावजूद उन्हें भारतीय टीम में नहीं चुना गया था और उनसे घरेलू क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन करने के लिए कहा गया था.
टीम इंडिया में नंबर 4 पर बल्लेबाज की हो रही तलाश, Suresh Raina बोले, 'मैं हूं ना'
गौरतलब है कि टी20 इंटरनेशनल में एक ओवर में छह छक्के लगाने का दुर्लभ कारनामा युवी के नाम पर दर्ज है. वे वर्ष 2007 में टी20 वर्ल्डकप और 2011 में 50 ओवर का वर्ल्डकप जीतने वाली भारतीय टीम (Indian Cricket Team) के सदस्य थे. युवराज ने अपने साथ-साथ वीरेंद्र सहवाग और जहीर खान जैसे दिग्गज क्रिकेटरों के साथ किए गए इसी तरह के व्यवहार पर नाराजगी जताई. अपने साथ किए गए इस 'व्यवहार' से आहत युवी (Yuvraj Singh) ने इंडिया टुडे से बातचीत में कहा, 'मैं चोटिल हो गया था और मुझे श्रीलंका सीरीज के खिलाफ तैयारी करने के लिए कहा गया. इसी दौरान यो-यो टेस्ट का भारतीय क्रिकेट में 'आगमन' हुआ. ऐसे में मेरे चयन को लेकर यू-टर्न ले लिया गया.'
Yuvraj Singh ने Rishabh Pant के मामले में टीम इंडिया मैनेजमेंट को दी यह नसीहत..
युवराज (Yuvraj Singh) ने कहा, 'अचानक 36 वर्ष की उम्र में मुझे यो-यो टेस्ट के लिए खुद का तैयारी करनी पड़ी. यहां तक कि यो-यो टेस्ट क्लियर करने के बावजूद मुझे घरेलू क्रिकेट में खेलने को कहा गया.' उन्होंने कहा कि यो-यो टेस्ट के बाद उनके साथ जो कुछ भी हुआ, वह 'पहेली' ही था. युवराज ने कहा, 'उन्होंने लगा कि अपनी उम्र के कारण शायद मैं यो-यो टेस्ट पास नहीं कर पाऊंगा और ऐसे में उन्हें मुझे बाहर करना आसान हो जाएगा... आप कह सकते हैं कि यह बहाने बनाने की एक कवायद थी.'युवराज सिंह ने भारत के लिए 40 टेस्ट, 304 वनडे और 58 टी20 इंटरनेशनल मैच खेले. टेस्ट क्रिकेट में उन्होंने 1900 रन बनाने के अलावा 9 विकेट भी हासिल किए. वनडे क्रिकेट में युवी ने 14 शतकों के साथ 8702 रन बनाने के अलावा 111 विकेट लिए. टी20I में उन्होंने 1177 रन बनाए और 28 विकेट हासिल किए. | कहा-उन्हें लगा था मैं यो-यो टेस्ट पास नहीं कर पाऊंगा
36 साल की उम्र में यो-यो टेस्ट की तैयारी करनी पड़ी थी
एक इंटरव्यू के दौरान अपने 'दर्द' को किया साझा | 28 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भूकंप प्रभावित सिक्किम से रक्षा बल अब तक 3,000 से भी ज्यादा लोगों की जान बचा चुके हैं। दूसरी ओर बचाव दलों के लगातार मलबा हटाने की प्रक्रिया में और शव मिलने के चलते भूकंप से मरने वालों की संख्या 92 हो गई है। दो दिन पहले आए भूकंप से सिक्किम में अब तक 53 लोगों की मौत हो चुकी है। मंगन से गंगटोक के बीच का राष्ट्रीय राजमार्ग 31-ए भूस्खलन के कारण बंद है, लेकिन बचावकर्मियों के सर्वाधिक प्रभावित क्षेत्रों तक पहुंचने के लिए एक वैकल्पिक मार्ग खोला गया है। क्षेत्र के लोग भूकंप की दहशत से अब तक नहीं उबर पाए हैं। बहुत से लोग डर के चलते अब भी अपने घरों में नहीं घुस पा रहे। लाचन गांव के 74 वर्षीय देंगजी शेरपा ने कहा, अगर दूसरी बार भूकंप आ गया, तो मेरा घर ढह जाएगा। इसलिए हम खुले में ही इंतजार कर रहे हैं। बहुत से लोग मलबे में से अपना घरेलू सामान तलाशते नजर आ रहे हैं। रविवार को आए 6.8 तीव्रता के इस भूकंप में मरने वालों की संख्या 92 हो गई है। सिक्किम में मृतकों की संख्या 53, पश्चिम बंगाल में 12, बिहार में नौ और नेपाल में 11 हो गई है। हेलीकॉप्टरों के माध्यम से रक्षा बल अब तक सिक्किम के भूकंप प्रभावित क्षेत्रों से 3,000 से ज्यादा लोगों को बचा चुके हैं। सैन्य अभियान, उपमहानिदेशक ब्रिगेडियर रणवीर सिंह ने नयी दिल्ली में बताया, वायु सेना की मदद से आठ से 13 हेलीकॉप्टरों को बचाव कार्य सेवा में लगाया गया है। घायलों के इलाज के लिए 20 चिकित्सा शिविर बनाए गए हैं, जिनमें 370 लोगों का इलाज हो रहा है। आठ राहत शिविर स्थापित किए गए हैं, जिनमें 2,700 से भी ज्यादा लोगों को आश्रय दिया गया है। भूकंप प्रभावित जिन क्षेत्रों तक बचावकर्मी अब तक नहीं पहुंच पाए हैं, उनमें आज लगातार दूसरे दिन भोजन के पैकेट और दवाइयां हेलीकॉप्टर से गिराई गईं। जिलाधीश इन कार्यों पर नजर रखे हुए हैं। सेना के एक आला अधिकारी ने बताया कि अगले कुछ दिनों में सेना के अभियान का मुख्य केंद्र प्रदेश के दूसरे अहम मार्गों को खोलना रहेगा। दूरदराज के एक गांव लाचुंग से आज तीन घायलों को इलाज के लिए हेलीकॉप्टर से गंगटोक लाया गया। राहत कार्यों के बीच केंद्रीय गृह सचिव आर के सिंह ने कहा कि हताहतों की संख्या और बढ़ने की आशंका है। | यहाँ एक सारांश है:भूकंप प्रभावित सिक्किम से रक्षा बल अब तक 3,000 से भी ज्यादा लोगों की जान बचा चुके हैं। | 12 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: प्रवर्तन निदेशालय ने 2-जी स्पेक्ट्रम आवंटन घोटाले में कलेंगनर टीवी को कथित तौर पर दी गई 200 करोड़ रुपये की रिश्वत के संबंध में पांच कंपनियों के बैंक खातों पर रोक लगाने और अचलत संपत्तियां कुर्क करने का आदेश दिया। प्रवर्तन निदेशालय के अधिकारियों ने कहा कि डाइनामिक्स रियल्टी, कॉनवुड कंस्ट्रक्शंस, एवरस्माइल कंस्ट्रक्शंस, निहार कंस्ट्रक्शंस और डीबी रियल्टी के बैंक खातों में लेनदेन पर रोक लगा दी गई है और इनकी अचल संपत्तियां कुर्क की जाएंगी। संपर्क करने पर इन निर्माण कंपनियों के प्रतिनिधियों ने कहा कि वे आदेश की प्रतीक्षा कर रहे हैं। निदेशालय ने इस संबंध में विभिन्न संपत्तियों की पहचान की थी और औपचारिक आदेश जारी किया गया। अधिकारियों ने कहा कि संपत्तियों को मनी लॉन्डरिंग रोधी कानून के प्रावधानों के तहत संपत्तियों को कुर्क किया जाएगा और कानून के तहत इन्हें अपराध का प्रतिफल का माना जाएगा। 2-जी मामले में यह कुर्की का पहला आदेश है। सीबीआई के आरोप पत्र में आरोप लगाया गया है कि शाहिद उस्मान बलवा की स्वान टेलीकाम को लाइसेंस देने के लिए 200 करोड़ रुपये के घूस की रकम बलवा की डीबी रियल्टी द्वारा सिनेयुग फिल्म्स और कुसेगांव फ्रूट्स एंड वेजिटेबल्स के जरिए द्रमुक संचालित कलेंगनर टीवी को पहुंचाई गई। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: प्रवर्तन निदेशालय ने 2-जी में कलेंगनर टीवी को दी गई 200 करोड़ की रिश्वत के संबंध में पांच कंपनियों की संपत्तियां कुर्क करने का आदेश दिया। | 11 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पाकिस्तान में कई इलाकों में रविवार सुबह भूकम्प के झटके महसूस किए गए। रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 5.2 मापी गई। फिलहाल जान-माल के नुकसान की कोई खबर नहीं है।
समाचार एजेंसी सिन्हुआ ने पाकिस्तान भू-गर्भ विभाग के हवाले से यह जानकारी दी। भूकम्प के झटके उत्तर-पश्चिमी खेबरपखतुनख्वा प्रांत और उत्तरी पाकिस्तान में महसूस किए गए।
भूकम्प का केंद्र उत्तरपश्चिम प्रांत के चित्राल जिले में केंद्रित था। साथ ही इसके झटके पाकिस्तान-अफगानिस्तान सीमा पर भी महसूस किए गए।
भूकम्प के कारण रमजान के महीने में सुबह की नमाज में जुटे लोगों में अफरातफरी मच गई।टिप्पणियां
स्थानीय मीडिया के मुताबिक भूकम्प के झटके सबसे पहले चित्राल, स्वात, मालाकंड और लोअर दीर क्षेत्रों में महसूस किए गए।
पाकिस्तान में अक्टूबर 2005 में अब तक का सबसे शक्तिशाली भूकम्प आया था, जिसमें 80 हजार लोग मारे गए थे और लाखों बेघर हो गए थे।
समाचार एजेंसी सिन्हुआ ने पाकिस्तान भू-गर्भ विभाग के हवाले से यह जानकारी दी। भूकम्प के झटके उत्तर-पश्चिमी खेबरपखतुनख्वा प्रांत और उत्तरी पाकिस्तान में महसूस किए गए।
भूकम्प का केंद्र उत्तरपश्चिम प्रांत के चित्राल जिले में केंद्रित था। साथ ही इसके झटके पाकिस्तान-अफगानिस्तान सीमा पर भी महसूस किए गए।
भूकम्प के कारण रमजान के महीने में सुबह की नमाज में जुटे लोगों में अफरातफरी मच गई।टिप्पणियां
स्थानीय मीडिया के मुताबिक भूकम्प के झटके सबसे पहले चित्राल, स्वात, मालाकंड और लोअर दीर क्षेत्रों में महसूस किए गए।
पाकिस्तान में अक्टूबर 2005 में अब तक का सबसे शक्तिशाली भूकम्प आया था, जिसमें 80 हजार लोग मारे गए थे और लाखों बेघर हो गए थे।
भूकम्प का केंद्र उत्तरपश्चिम प्रांत के चित्राल जिले में केंद्रित था। साथ ही इसके झटके पाकिस्तान-अफगानिस्तान सीमा पर भी महसूस किए गए।
भूकम्प के कारण रमजान के महीने में सुबह की नमाज में जुटे लोगों में अफरातफरी मच गई।टिप्पणियां
स्थानीय मीडिया के मुताबिक भूकम्प के झटके सबसे पहले चित्राल, स्वात, मालाकंड और लोअर दीर क्षेत्रों में महसूस किए गए।
पाकिस्तान में अक्टूबर 2005 में अब तक का सबसे शक्तिशाली भूकम्प आया था, जिसमें 80 हजार लोग मारे गए थे और लाखों बेघर हो गए थे।
भूकम्प के कारण रमजान के महीने में सुबह की नमाज में जुटे लोगों में अफरातफरी मच गई।टिप्पणियां
स्थानीय मीडिया के मुताबिक भूकम्प के झटके सबसे पहले चित्राल, स्वात, मालाकंड और लोअर दीर क्षेत्रों में महसूस किए गए।
पाकिस्तान में अक्टूबर 2005 में अब तक का सबसे शक्तिशाली भूकम्प आया था, जिसमें 80 हजार लोग मारे गए थे और लाखों बेघर हो गए थे।
स्थानीय मीडिया के मुताबिक भूकम्प के झटके सबसे पहले चित्राल, स्वात, मालाकंड और लोअर दीर क्षेत्रों में महसूस किए गए।
पाकिस्तान में अक्टूबर 2005 में अब तक का सबसे शक्तिशाली भूकम्प आया था, जिसमें 80 हजार लोग मारे गए थे और लाखों बेघर हो गए थे।
पाकिस्तान में अक्टूबर 2005 में अब तक का सबसे शक्तिशाली भूकम्प आया था, जिसमें 80 हजार लोग मारे गए थे और लाखों बेघर हो गए थे। | संक्षिप्त सारांश: पाकिस्तान में कई इलाकों में रविवार सुबह भूकम्प के झटके महसूस किए गए। रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 5.2 मापी गई। फिलहाल जान-माल के नुकसान की कोई खबर नहीं है। | 23 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: UPSC सिविल परीक्षा का रिजल्ट (UPSC Civil Final Result) जारी होने के बाद से ही एक तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है. इस तस्वीर में एक नौजवान धूप में मिस्त्री का काम करते नजर आ रहा है. नौजवान अपना नाम सुमित विश्वकर्मा (Sumit Vishwakarma) बताता है. चैनलों से लेकर कई वेबसाइट्स ने ये खबर प्रकाशित की है कि एमपी जबलपुर का सुमित विश्वकर्मा जो कि मिस्त्रीगिरी का काम करता है उसने UPSC Civil में 53वां स्थान हासिल किया है. मीडिया में चल रही खबरों के मुताबिक सुमित दिन में मजदूरी और रात को पढ़ाई करता था और उसने कड़ी मेहनत के बाद ये सफलता हासिल की है. बता दें कि सोशल मीडिया और मीडिया में चल रही ये खबरें सरासर झूठी हैं.
हमने UPSC के रिजल्ट को चेक किया उसमें 53वें स्थान पर सुमित विश्वकर्मा नहीं बल्कि सुमित कुमार हैं.
सुमित कुमार ने ट्वीट कर अपना एप्लीकेशन फॉर्म शेयर किया है. इस एप्लीकेशन फॉर्म के मुताबिक सुमित कुमार का रोल नंबर 6315639 है. सुमित कुमार बिहार के जमुई के रहने वाले हैं. सुमित ने 53वां स्थान हासिल किया है. हमने सुमित से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उनका फोन बंद जा रहा है.
आपको बता दें कि यूपीएससी का रिजल्ट 5 अप्रैल की शाम को जारी किया गया था. यूपीएससी सिविल परीक्षा में राजस्थान के कनिष्क कटारिया ने टॉप किया है. वहीं, भोपाल की सृष्टि जयंत देशमुख लड़कियों में टॉप पर रही हैं. टॉप 25 में 15 लड़के और 10 लड़कियां शामिल हैं. | फर्जी है यूपीएससी में मिस्त्री को 53वां स्थान मिलने की खबरें.
सुमित विश्वकर्मा ने 53वां स्थान हासिल नहीं किया है.
बिहार के जमुई के सुमित कुमार ने 53वां स्थान हासिल किया है. | 1 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: भारत की सर्वोच्च वरीयता प्राप्त महिला टेनिस खिलाड़ी सानिया मिर्जा को डब्ल्यूटीए बीएमडब्ल्यू मलेशिया ओपन टूर्नामेंट के पहले ही दौर में हार का सामना करना पड़ा है।टिप्पणियां
महिला टेनिस संघ (डब्ल्यूटीए) की आधिकारिक वेबसाइट के मुताबिक, मंगलवार को खेले गए एकल स्पर्धा के पहले दौर के मुकाबले में यूनान की एलेनी डानिलिडोऊ ने सानिया को 6-2, 1-6, 6-4 से पराजित किया।
कुल 2, 20, 000 डॉलर इनामी राशि वाले इस हार्ड कोर्ट टूर्नामेंट में पहला सेट हारने के बाद सानिया ने अगले सेट में जबर्दस्त वापसी करते हुए दूसरा सेट 6-1 से अपने नाम किया लेकिन तीसरे और निर्णायक सेट में वह अपनी लय बरकरार नहीं रख सकीं।
महिला टेनिस संघ (डब्ल्यूटीए) की आधिकारिक वेबसाइट के मुताबिक, मंगलवार को खेले गए एकल स्पर्धा के पहले दौर के मुकाबले में यूनान की एलेनी डानिलिडोऊ ने सानिया को 6-2, 1-6, 6-4 से पराजित किया।
कुल 2, 20, 000 डॉलर इनामी राशि वाले इस हार्ड कोर्ट टूर्नामेंट में पहला सेट हारने के बाद सानिया ने अगले सेट में जबर्दस्त वापसी करते हुए दूसरा सेट 6-1 से अपने नाम किया लेकिन तीसरे और निर्णायक सेट में वह अपनी लय बरकरार नहीं रख सकीं।
कुल 2, 20, 000 डॉलर इनामी राशि वाले इस हार्ड कोर्ट टूर्नामेंट में पहला सेट हारने के बाद सानिया ने अगले सेट में जबर्दस्त वापसी करते हुए दूसरा सेट 6-1 से अपने नाम किया लेकिन तीसरे और निर्णायक सेट में वह अपनी लय बरकरार नहीं रख सकीं। | यह एक सारांश है: भारत की सर्वोच्च वरीयता प्राप्त महिला टेनिस खिलाड़ी सानिया मिर्जा को डब्ल्यूटीए बीएमडब्ल्यू मलेशिया ओपन टूर्नामेंट के पहले ही दौर में हार का सामना करना पड़ा है। | 2 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: शिवराज सिंह चौहान के बेटे कार्तिकेय चौहान, सांसद प्रभात झा के बेटे तुष्मुल झा, नरेंद्र सिंह तोमर के बेटे देवेंद्र प्रताप सिंह तोमर, पूर्व मंत्री गौरी शंकर शेजवार के बेटे मुदित शेजवार, नरोत्तम मिश्रा के बेटे सुकर्ण मिश्रा, दीपक जोशी के बेटे जयवर्धन जोशी, अर्चना चिटनीस के बेटे समर्थ चिटनीस, सांसद नंदकुमार सिंह चौहान के बेटे हर्षवर्धन सिंह चौहान जैसे कई नाम मध्यप्रदेश में कांग्रेस की कमलनाथ सरकार को घेरने के लिए सड़क पर उतनरे वालों में शामिल होंगे.
पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के बेटे कार्तिकेय चौहान का सुझाव था कि युवा नेता घंटानाद करें, जिसकी शुरुआत मुख्यमंत्री आवास के घेराव से हो.
हालांकि बीजेपी को नहीं लगता कि यह वंशवाद है. वह तो उल्टा कांग्रेस पर ही आरोप लगा रही है. बीजेपी प्रवक्ता राजो मालवीय ने कहा आप जिन नामों का जिक्र कर रहे हैं उनका प्रारंभिक इतिहास उठाकर देखेंगे तो वे बाल्यकाल से कार्यकर्ता हैं. वे सिर्फ इसलिए नेता नहीं बने कि किसी मां के गर्भ से पैदा हुए इसलिए राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बना दिया जाएं. जो कार्यकर्ता की पद्धति से निकलकर आए हैं उन पर उंगली नहीं उठा सकते. हमको बहुत आनंद आता अगर राहुल गांधी एक तहसील के अध्यक्ष बनकर भी आते. लगता कि वास्तव में संघर्ष किया है.
बीजेपी गांधी परिवार को लेकर कांग्रेस को घेरती रही है, तो इस प्लान पर कांग्रेस को बीजेपी पर हमला करने का मौका मिला है. कांग्रेस प्रवक्ता नरेन्द्र सलूजा ने कहा बीजेपी खुद प्लेटफॉर्म तैयार करके दे रही है. वंशवाद को लेकर कांग्रेस को कोसती है लेकिन सबसे बड़ा वंशवाद बीजेपी में है. सारे नेता पुत्रों को जवाबदारी दी है, जिसके वे लायक नहीं हैं. कार्यकर्ता जवाबदारी के लायक हैं, सालों से मेहनत कर रहे हैं. लेकिन आंदोलन का नेतृत्व उन्हें दिया जा रहा है जो नेता के पुत्र हैं. ताकि फिर नगर निगम के चुनाव हैं, वहां टिकट मिलें, महापौर का पद है. करोड़ों कार्यकर्ताओं का हक़ मार सकें इसके लिए प्लानिंग के तहत यह सब हो रहा है. | संक्षिप्त सारांश: भारतीय जनता युवा मोर्चा के बैनर तले आंदोलन किया जाएगा
आंदोलन करने वाले 31 युवा नेताओं में 10 बड़े नेता पुत्र शामिल
कांग्रेस ने कहा- प्लेटफार्म बनाया जा रहा है अगले चुनावों में टिकट के लिए | 23 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: देश की दूसरी सबसे बड़ी सॉफ्टवेयर कंपनी इंफोसिस का एकीकृत शुद्ध लाभ चालू वित्तवर्ष 2012-13 की पहली तिमाही में 32.92 प्रतिशत बढ़कर 2,289 करोड़ रुपये रहा। इससे पूर्व वित्तवर्ष 2011-12 की इसी तिमाही (अप्रैल-जून) में कंपनी का शुद्ध लाभ 1,722 करोड़ रुपये था।
इंफोसिस ने बंबई शेयर बाजार को दी सूचना में कहा कि चालू वित्तवर्ष की अप्रैल-जून तिमाही में कंपनी की आय 28.47 प्रतिशत बढ़कर 9,616 करोड़ रुपये रही, जो इससे पूर्व वित्तवर्ष की इसी तिमाही में 7,485 करोड़ रुपये थी। डॉलर के रूप में कंपनी की आय 4.8 प्रतिशत बढ़कर 1,75.2 करोड़ डॉलर रही, जो इससे पूर्व वित्तवर्ष की इसी तिमाही में 1,67.1 करोड़ डॉलर थी।
हालांकि रुपये के संदर्भ में कंपनी की आय अनुमान से अधिक रही, लेकिन डॉलर के रूप में यह कम रही। डॉलर के संदर्भ में कंपनी ने आलोच्य तिमाही के लिए 177.1 करोड़ डॉलर से 178.9 करोड़ डॉलर रहने का अनुमान जताया था। इंफोसिस ने 2012-13 की अप्रैल-जून तिमाही के लिए रुपये के रूप में आय 9,011 करोड़ रुपये से लेकर 9,100 करोड़ रुपये रहने का अनुमान जताया था।
रुपये की विनिमय दर में गिरावट के मद्देनजर पहली तिमाही में कंपनी की रुपये में आय में वृद्धि की संभावना थी। इंफोसिस के परिणाम आने के बाद कंपनी का शेयर 9.42 प्रतिशत गिरकर 2,233.95 रुपये हो गया। डॉलर के रूप में आय के अनुमान को प्राप्त करने में विफल रहने के कारण कंपनी के शेयर भाव में गिरावट दर्ज की गई। टिप्पणियां
इंफोसिस ने जुलाई-सितंबर के लिए आय के बारे में कोई अनुमान नहीं जताया है, लेकिन सालाना अनुमान को संशोधित कर 40,364 करोड़ रुपये (वार्षिक आधार पर 19.7 प्रतिशत वृद्धि) कर दिया है, जो पूर्व में 38,431 करोड़ रुपये से 39,136 करोड़ रुपये था।
बहरहाल, डॉलर के संदर्भ में कंपनी ने आय के सालाना अनुमान को घटाकर 7.34 अरब डॉलर (वार्षिक आधार पर 5 प्रतिशत वृद्धि) कर दिया, जबकि पूर्व में इसके 7.55 अरब डॉलर से 7.69 अरब डॉलर (वार्षिक आधार पर 8 से 10 प्रतिशत वृद्धि) रहने का अनुमान लगाया गया था। यह वित्तवर्ष 2012-13 के लिए नासकॉम के वृद्धि अनुमान 11 से 14 प्रतिशत से काफी कम है।
इंफोसिस ने बंबई शेयर बाजार को दी सूचना में कहा कि चालू वित्तवर्ष की अप्रैल-जून तिमाही में कंपनी की आय 28.47 प्रतिशत बढ़कर 9,616 करोड़ रुपये रही, जो इससे पूर्व वित्तवर्ष की इसी तिमाही में 7,485 करोड़ रुपये थी। डॉलर के रूप में कंपनी की आय 4.8 प्रतिशत बढ़कर 1,75.2 करोड़ डॉलर रही, जो इससे पूर्व वित्तवर्ष की इसी तिमाही में 1,67.1 करोड़ डॉलर थी।
हालांकि रुपये के संदर्भ में कंपनी की आय अनुमान से अधिक रही, लेकिन डॉलर के रूप में यह कम रही। डॉलर के संदर्भ में कंपनी ने आलोच्य तिमाही के लिए 177.1 करोड़ डॉलर से 178.9 करोड़ डॉलर रहने का अनुमान जताया था। इंफोसिस ने 2012-13 की अप्रैल-जून तिमाही के लिए रुपये के रूप में आय 9,011 करोड़ रुपये से लेकर 9,100 करोड़ रुपये रहने का अनुमान जताया था।
रुपये की विनिमय दर में गिरावट के मद्देनजर पहली तिमाही में कंपनी की रुपये में आय में वृद्धि की संभावना थी। इंफोसिस के परिणाम आने के बाद कंपनी का शेयर 9.42 प्रतिशत गिरकर 2,233.95 रुपये हो गया। डॉलर के रूप में आय के अनुमान को प्राप्त करने में विफल रहने के कारण कंपनी के शेयर भाव में गिरावट दर्ज की गई। टिप्पणियां
इंफोसिस ने जुलाई-सितंबर के लिए आय के बारे में कोई अनुमान नहीं जताया है, लेकिन सालाना अनुमान को संशोधित कर 40,364 करोड़ रुपये (वार्षिक आधार पर 19.7 प्रतिशत वृद्धि) कर दिया है, जो पूर्व में 38,431 करोड़ रुपये से 39,136 करोड़ रुपये था।
बहरहाल, डॉलर के संदर्भ में कंपनी ने आय के सालाना अनुमान को घटाकर 7.34 अरब डॉलर (वार्षिक आधार पर 5 प्रतिशत वृद्धि) कर दिया, जबकि पूर्व में इसके 7.55 अरब डॉलर से 7.69 अरब डॉलर (वार्षिक आधार पर 8 से 10 प्रतिशत वृद्धि) रहने का अनुमान लगाया गया था। यह वित्तवर्ष 2012-13 के लिए नासकॉम के वृद्धि अनुमान 11 से 14 प्रतिशत से काफी कम है।
हालांकि रुपये के संदर्भ में कंपनी की आय अनुमान से अधिक रही, लेकिन डॉलर के रूप में यह कम रही। डॉलर के संदर्भ में कंपनी ने आलोच्य तिमाही के लिए 177.1 करोड़ डॉलर से 178.9 करोड़ डॉलर रहने का अनुमान जताया था। इंफोसिस ने 2012-13 की अप्रैल-जून तिमाही के लिए रुपये के रूप में आय 9,011 करोड़ रुपये से लेकर 9,100 करोड़ रुपये रहने का अनुमान जताया था।
रुपये की विनिमय दर में गिरावट के मद्देनजर पहली तिमाही में कंपनी की रुपये में आय में वृद्धि की संभावना थी। इंफोसिस के परिणाम आने के बाद कंपनी का शेयर 9.42 प्रतिशत गिरकर 2,233.95 रुपये हो गया। डॉलर के रूप में आय के अनुमान को प्राप्त करने में विफल रहने के कारण कंपनी के शेयर भाव में गिरावट दर्ज की गई। टिप्पणियां
इंफोसिस ने जुलाई-सितंबर के लिए आय के बारे में कोई अनुमान नहीं जताया है, लेकिन सालाना अनुमान को संशोधित कर 40,364 करोड़ रुपये (वार्षिक आधार पर 19.7 प्रतिशत वृद्धि) कर दिया है, जो पूर्व में 38,431 करोड़ रुपये से 39,136 करोड़ रुपये था।
बहरहाल, डॉलर के संदर्भ में कंपनी ने आय के सालाना अनुमान को घटाकर 7.34 अरब डॉलर (वार्षिक आधार पर 5 प्रतिशत वृद्धि) कर दिया, जबकि पूर्व में इसके 7.55 अरब डॉलर से 7.69 अरब डॉलर (वार्षिक आधार पर 8 से 10 प्रतिशत वृद्धि) रहने का अनुमान लगाया गया था। यह वित्तवर्ष 2012-13 के लिए नासकॉम के वृद्धि अनुमान 11 से 14 प्रतिशत से काफी कम है।
रुपये की विनिमय दर में गिरावट के मद्देनजर पहली तिमाही में कंपनी की रुपये में आय में वृद्धि की संभावना थी। इंफोसिस के परिणाम आने के बाद कंपनी का शेयर 9.42 प्रतिशत गिरकर 2,233.95 रुपये हो गया। डॉलर के रूप में आय के अनुमान को प्राप्त करने में विफल रहने के कारण कंपनी के शेयर भाव में गिरावट दर्ज की गई। टिप्पणियां
इंफोसिस ने जुलाई-सितंबर के लिए आय के बारे में कोई अनुमान नहीं जताया है, लेकिन सालाना अनुमान को संशोधित कर 40,364 करोड़ रुपये (वार्षिक आधार पर 19.7 प्रतिशत वृद्धि) कर दिया है, जो पूर्व में 38,431 करोड़ रुपये से 39,136 करोड़ रुपये था।
बहरहाल, डॉलर के संदर्भ में कंपनी ने आय के सालाना अनुमान को घटाकर 7.34 अरब डॉलर (वार्षिक आधार पर 5 प्रतिशत वृद्धि) कर दिया, जबकि पूर्व में इसके 7.55 अरब डॉलर से 7.69 अरब डॉलर (वार्षिक आधार पर 8 से 10 प्रतिशत वृद्धि) रहने का अनुमान लगाया गया था। यह वित्तवर्ष 2012-13 के लिए नासकॉम के वृद्धि अनुमान 11 से 14 प्रतिशत से काफी कम है।
इंफोसिस ने जुलाई-सितंबर के लिए आय के बारे में कोई अनुमान नहीं जताया है, लेकिन सालाना अनुमान को संशोधित कर 40,364 करोड़ रुपये (वार्षिक आधार पर 19.7 प्रतिशत वृद्धि) कर दिया है, जो पूर्व में 38,431 करोड़ रुपये से 39,136 करोड़ रुपये था।
बहरहाल, डॉलर के संदर्भ में कंपनी ने आय के सालाना अनुमान को घटाकर 7.34 अरब डॉलर (वार्षिक आधार पर 5 प्रतिशत वृद्धि) कर दिया, जबकि पूर्व में इसके 7.55 अरब डॉलर से 7.69 अरब डॉलर (वार्षिक आधार पर 8 से 10 प्रतिशत वृद्धि) रहने का अनुमान लगाया गया था। यह वित्तवर्ष 2012-13 के लिए नासकॉम के वृद्धि अनुमान 11 से 14 प्रतिशत से काफी कम है।
बहरहाल, डॉलर के संदर्भ में कंपनी ने आय के सालाना अनुमान को घटाकर 7.34 अरब डॉलर (वार्षिक आधार पर 5 प्रतिशत वृद्धि) कर दिया, जबकि पूर्व में इसके 7.55 अरब डॉलर से 7.69 अरब डॉलर (वार्षिक आधार पर 8 से 10 प्रतिशत वृद्धि) रहने का अनुमान लगाया गया था। यह वित्तवर्ष 2012-13 के लिए नासकॉम के वृद्धि अनुमान 11 से 14 प्रतिशत से काफी कम है। | संक्षिप्त पाठ: रुपये के संदर्भ में कंपनी की आय अनुमान से अधिक रही, लेकिन डॉलर के रूप में यह कम रही। डॉलर के रूप में आय के अनुमान को प्राप्त करने में विफल रहने के कारण कंपनी के शेयर में तेज गिरावट दर्ज की गई। | 22 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: देश के शेयर बाजारों में बुधवार को उछाल दर्ज किया गया। प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 285.53 अंकों की तेजी के साथ 17,601.71 पर और निफ्टी 90.10 अंकों की तेजी के साथ 5,364.95 पर बंद हुआ।
बम्बई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 15.02 अंकों की गिरावट के साथ 17,301.16 पर खुला। सेंसेक्स ने 17,622.87 के ऊपरी और 17,275.88 के निचले स्तर को छुआ।
सेंसेक्स के 30 में से 25 शेयरों में तेजी रही। एलएंडटी (4.46 फीसदी), डीएलएफ (4.01 फीसदी), टाटा स्टील (4.00 फीसदी), टीसीएस (3.25 फीसदी) और आईसीआईसीआई बैंक (3.07 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
सेंसेक्स के पांच शेयरों हिंडाल्को इंडस्ट्रीज (1.01 फीसदी), ओएनजीसी (0.35 फीसदी), आईटीसी (0.18 फीसदी), सन फार्मा (0.17 फीसदी), हीरो मोटोकॉर्प (0.07 फीसदी) में गिरावट रही।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक निफ्टी 7.65 अंकों की गिरावट के साथ 5,267.20 पर खुला। निफ्टी ने 5,372.35 के ऊपरी और 5,256.00 के निचले स्तर को छुआ।
बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी तेजी रही। मिडकैप 123.43 अंकों की तेजी के साथ 6,459.33 पर और स्मॉलकैप 81.77 अंकों की तेजी के साथ 6,712.20 पर बंद हुआ।टिप्पणियां
बीएसई के सभी 13 सेक्टरों में तेजी रही। पूंजीगत वस्तु (3.59 फीसदी), रियल्टी (3.54 फीसदी), बैंकिंग (2.44 फीसदी), बिजली (1.86 फीसदी) और प्रौद्योगिकी (1.82 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
बीएसई में कारोबार का रुझान सकारात्मक रहा। कुल 1758 शेयरों में तेजी और 1136 में गिरावट रही, जबकि 130 शेयरों के भाव में बदलाव नहीं हुआ।
बम्बई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 15.02 अंकों की गिरावट के साथ 17,301.16 पर खुला। सेंसेक्स ने 17,622.87 के ऊपरी और 17,275.88 के निचले स्तर को छुआ।
सेंसेक्स के 30 में से 25 शेयरों में तेजी रही। एलएंडटी (4.46 फीसदी), डीएलएफ (4.01 फीसदी), टाटा स्टील (4.00 फीसदी), टीसीएस (3.25 फीसदी) और आईसीआईसीआई बैंक (3.07 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
सेंसेक्स के पांच शेयरों हिंडाल्को इंडस्ट्रीज (1.01 फीसदी), ओएनजीसी (0.35 फीसदी), आईटीसी (0.18 फीसदी), सन फार्मा (0.17 फीसदी), हीरो मोटोकॉर्प (0.07 फीसदी) में गिरावट रही।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक निफ्टी 7.65 अंकों की गिरावट के साथ 5,267.20 पर खुला। निफ्टी ने 5,372.35 के ऊपरी और 5,256.00 के निचले स्तर को छुआ।
बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी तेजी रही। मिडकैप 123.43 अंकों की तेजी के साथ 6,459.33 पर और स्मॉलकैप 81.77 अंकों की तेजी के साथ 6,712.20 पर बंद हुआ।टिप्पणियां
बीएसई के सभी 13 सेक्टरों में तेजी रही। पूंजीगत वस्तु (3.59 फीसदी), रियल्टी (3.54 फीसदी), बैंकिंग (2.44 फीसदी), बिजली (1.86 फीसदी) और प्रौद्योगिकी (1.82 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
बीएसई में कारोबार का रुझान सकारात्मक रहा। कुल 1758 शेयरों में तेजी और 1136 में गिरावट रही, जबकि 130 शेयरों के भाव में बदलाव नहीं हुआ।
सेंसेक्स के 30 में से 25 शेयरों में तेजी रही। एलएंडटी (4.46 फीसदी), डीएलएफ (4.01 फीसदी), टाटा स्टील (4.00 फीसदी), टीसीएस (3.25 फीसदी) और आईसीआईसीआई बैंक (3.07 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
सेंसेक्स के पांच शेयरों हिंडाल्को इंडस्ट्रीज (1.01 फीसदी), ओएनजीसी (0.35 फीसदी), आईटीसी (0.18 फीसदी), सन फार्मा (0.17 फीसदी), हीरो मोटोकॉर्प (0.07 फीसदी) में गिरावट रही।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक निफ्टी 7.65 अंकों की गिरावट के साथ 5,267.20 पर खुला। निफ्टी ने 5,372.35 के ऊपरी और 5,256.00 के निचले स्तर को छुआ।
बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी तेजी रही। मिडकैप 123.43 अंकों की तेजी के साथ 6,459.33 पर और स्मॉलकैप 81.77 अंकों की तेजी के साथ 6,712.20 पर बंद हुआ।टिप्पणियां
बीएसई के सभी 13 सेक्टरों में तेजी रही। पूंजीगत वस्तु (3.59 फीसदी), रियल्टी (3.54 फीसदी), बैंकिंग (2.44 फीसदी), बिजली (1.86 फीसदी) और प्रौद्योगिकी (1.82 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
बीएसई में कारोबार का रुझान सकारात्मक रहा। कुल 1758 शेयरों में तेजी और 1136 में गिरावट रही, जबकि 130 शेयरों के भाव में बदलाव नहीं हुआ।
सेंसेक्स के पांच शेयरों हिंडाल्को इंडस्ट्रीज (1.01 फीसदी), ओएनजीसी (0.35 फीसदी), आईटीसी (0.18 फीसदी), सन फार्मा (0.17 फीसदी), हीरो मोटोकॉर्प (0.07 फीसदी) में गिरावट रही।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक निफ्टी 7.65 अंकों की गिरावट के साथ 5,267.20 पर खुला। निफ्टी ने 5,372.35 के ऊपरी और 5,256.00 के निचले स्तर को छुआ।
बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी तेजी रही। मिडकैप 123.43 अंकों की तेजी के साथ 6,459.33 पर और स्मॉलकैप 81.77 अंकों की तेजी के साथ 6,712.20 पर बंद हुआ।टिप्पणियां
बीएसई के सभी 13 सेक्टरों में तेजी रही। पूंजीगत वस्तु (3.59 फीसदी), रियल्टी (3.54 फीसदी), बैंकिंग (2.44 फीसदी), बिजली (1.86 फीसदी) और प्रौद्योगिकी (1.82 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
बीएसई में कारोबार का रुझान सकारात्मक रहा। कुल 1758 शेयरों में तेजी और 1136 में गिरावट रही, जबकि 130 शेयरों के भाव में बदलाव नहीं हुआ।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक निफ्टी 7.65 अंकों की गिरावट के साथ 5,267.20 पर खुला। निफ्टी ने 5,372.35 के ऊपरी और 5,256.00 के निचले स्तर को छुआ।
बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी तेजी रही। मिडकैप 123.43 अंकों की तेजी के साथ 6,459.33 पर और स्मॉलकैप 81.77 अंकों की तेजी के साथ 6,712.20 पर बंद हुआ।टिप्पणियां
बीएसई के सभी 13 सेक्टरों में तेजी रही। पूंजीगत वस्तु (3.59 फीसदी), रियल्टी (3.54 फीसदी), बैंकिंग (2.44 फीसदी), बिजली (1.86 फीसदी) और प्रौद्योगिकी (1.82 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
बीएसई में कारोबार का रुझान सकारात्मक रहा। कुल 1758 शेयरों में तेजी और 1136 में गिरावट रही, जबकि 130 शेयरों के भाव में बदलाव नहीं हुआ।
बीएसई के मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में भी तेजी रही। मिडकैप 123.43 अंकों की तेजी के साथ 6,459.33 पर और स्मॉलकैप 81.77 अंकों की तेजी के साथ 6,712.20 पर बंद हुआ।टिप्पणियां
बीएसई के सभी 13 सेक्टरों में तेजी रही। पूंजीगत वस्तु (3.59 फीसदी), रियल्टी (3.54 फीसदी), बैंकिंग (2.44 फीसदी), बिजली (1.86 फीसदी) और प्रौद्योगिकी (1.82 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
बीएसई में कारोबार का रुझान सकारात्मक रहा। कुल 1758 शेयरों में तेजी और 1136 में गिरावट रही, जबकि 130 शेयरों के भाव में बदलाव नहीं हुआ।
बीएसई के सभी 13 सेक्टरों में तेजी रही। पूंजीगत वस्तु (3.59 फीसदी), रियल्टी (3.54 फीसदी), बैंकिंग (2.44 फीसदी), बिजली (1.86 फीसदी) और प्रौद्योगिकी (1.82 फीसदी) में सर्वाधिक तेजी रही।
बीएसई में कारोबार का रुझान सकारात्मक रहा। कुल 1758 शेयरों में तेजी और 1136 में गिरावट रही, जबकि 130 शेयरों के भाव में बदलाव नहीं हुआ।
बीएसई में कारोबार का रुझान सकारात्मक रहा। कुल 1758 शेयरों में तेजी और 1136 में गिरावट रही, जबकि 130 शेयरों के भाव में बदलाव नहीं हुआ। | सारांश: सेंसेक्स 285.53 अंकों की तेजी के साथ 17,601.71 पर और निफ्टी 90.10 अंकों की तेजी के साथ 5,364.95 पर बंद हुआ। | 33 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: रणजी मैच में शतक लगाकर सचिन तेंदुलकर के फॉर्म में लौटने के बाद इंग्लैंड के कप्तान एलेस्टेयर कुक ने कहा है कि वह इस चैंपियन बल्लेबाज के फॉर्म से चिंतित हैं। टाटा मोटर्स द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में कुक ने कहा, हम तेंदुलकर को चुका हुआ नहीं मान रहे हैं।टिप्पणियां
तीन साल बाद रणजी खेल रहे तेंदुलकर ने रेलवे के खिलाफ शतक जमाया है। उन्होंने पिछले साल इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट शृंखला में चार मैचों में 273 रन बनाए थे। इंग्लैंड ने वह शृंखला 4-0 से जीती थी।
कुक के साथी स्पिन गेंदबाज ग्रीम स्वान ने कहा कि वह पूर्व कप्तान राहुल द्रविड़ और सौरव गांगुली को टीम में देखना चाहते थे। उन्होंने कहा, गांगुली और द्रविड़ भी टीम में होते तो और मजा आता।
तीन साल बाद रणजी खेल रहे तेंदुलकर ने रेलवे के खिलाफ शतक जमाया है। उन्होंने पिछले साल इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट शृंखला में चार मैचों में 273 रन बनाए थे। इंग्लैंड ने वह शृंखला 4-0 से जीती थी।
कुक के साथी स्पिन गेंदबाज ग्रीम स्वान ने कहा कि वह पूर्व कप्तान राहुल द्रविड़ और सौरव गांगुली को टीम में देखना चाहते थे। उन्होंने कहा, गांगुली और द्रविड़ भी टीम में होते तो और मजा आता।
कुक के साथी स्पिन गेंदबाज ग्रीम स्वान ने कहा कि वह पूर्व कप्तान राहुल द्रविड़ और सौरव गांगुली को टीम में देखना चाहते थे। उन्होंने कहा, गांगुली और द्रविड़ भी टीम में होते तो और मजा आता। | यहाँ एक सारांश है:रणजी मैच में शतक लगाकर सचिन तेंदुलकर के फॉर्म में लौटने के बाद इंग्लैंड के कप्तान एलेस्टेयर कुक ने कहा है कि वह इस चैंपियन बल्लेबाज के फॉर्म से चिंतित हैं। | 15 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: मानसेर प्लांट में चल रही हड़ताल को कलपुर्जे बनाने वाली एसपीआईएल के कर्मचारियों का भी समर्थन मिलने से मारुति सुजुकी को बड़ा नुकसान उठाना पड़ रहा है। हालात ऐसे हैं कि कंपनी आज और कल दो दिन गुड़गांव का अपना प्लांट बंद रखेगी। सुजुकी की पावरट्रेन इंडिया लिमिटेड में हड़ताल ने प्रोडक्शन की कमर तोड़ दी है। गुड़गांव के प्लांट में आमतौर पर हर रोज 2800 कारें बनती थी लेकिन गुरुवार को केवल 600 कारें ही बनीं। मारुति सुजुकी के प्लांट में हड़ताल का ये आठवां दिन है। दिवाली नजदीक है और त्योहार के इस मौसम में कारों की बिक्री भी खूब होती है। ऐसे समय में ये हड़ताल कंपनी पर बहुत भारी पड़ सकती है।मारुति सुजुकी के मानेसर प्लांट में चल रही हड़ताल में पंजाब हरियाणा हाई कोर्ट ने दखल दिया है। हाई कोर्ट ने दिशा निर्देश जारी किए हैं। वहीं हाई कोर्ट ने हड़ताल को गैर-कानूनी घोषित करने से इनकार कर दिया है। कोर्ट ने हड़ताली कर्मचारियों से कहा है कि प्लांट परिसर को फौरन खाली करें और उसके 100 मीटर के दायरे में हड़ताल न करें। कोर्ट ने पुलिस को कहा है कि इस बात का ध्यान रखें कि हड़ताली कर्मचारी कंपनी के किसी दूसरे कमर्चारी को नुकसान न पहुंचाए। कर्मचारियों की मांग है कि 1000 केजुअल और 44 स्थायी स्टाफ की फिर से बहाली हो। | मानसेर में चल रही हड़ताल को कलपुर्जे बनाने वाली एसपीआईएल के कर्मचारियों का भी समर्थन मिलने से मारुति को बड़ा नुकसान उठाना पड़ रहा है। | 26 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: नोबेल पुरस्कारों को देने वाली संस्था ने सोमवार को चिकित्सा के क्षेत्र में योगदान के लिए जापान के योशिनोरी ओसुमी को नोबेल देने की घोषणा की है. ओसुमी सेल बायोलॉजिस्ट हैं.टिप्पणियां
योशिनोरी ओसुमी को ऑटोफैगी के क्षेत्र में रिसर्च के लिए यह नोबेल दिया गया है. ऑटोफैगी एक ऐसी प्रक्रिया है, जिसमें कोशिकाएं ‘‘खुद को खा जाती हैं’’ और उन्हें बाधित करने पर पार्किनसन और मधुमेह जैसी बीमारियां हो सकती हैं. ऑटोफैगी कोशिका शरीर विज्ञान की एक मौलिक प्रक्रिया है जिसका मानव स्वास्थ्य एवं बीमारियों के लिए बड़ा निहितार्थ है. अनुसंधानकर्ताओं ने सबसे पहले 1960 के दशक में पता लगाया था कि कोशिकाएं अपनी सामग्रियों को झिल्लियों में लपेटकर और लाइसोजोम नाम के एक पुनर्चक्रण कंपार्टमेंट में भेजकर नष्ट कर सकती हैं.
नोबेल प्राइज देने वाली संस्था के आधिकारिक ट्विटर हैंडल से इस संबंध में ट्वीट किया गया है. ऑटोफैगी एक शारीरिक प्रक्रिया है जो शरीर में कोशिकाओं के हो रहे क्षरण से निपटती है. पुरस्कार मिलने के बाद ओशिनोरी ने कहा कि खबर से मैं काफी चकित रह गया था. जब मुझे सूचना मिली तब मैं लैब में था. googletag.cmd.push(function() { googletag.display('adslotNativeVideo'); });
योशिनोरी ओसुमी को ऑटोफैगी के क्षेत्र में रिसर्च के लिए यह नोबेल दिया गया है. ऑटोफैगी एक ऐसी प्रक्रिया है, जिसमें कोशिकाएं ‘‘खुद को खा जाती हैं’’ और उन्हें बाधित करने पर पार्किनसन और मधुमेह जैसी बीमारियां हो सकती हैं. ऑटोफैगी कोशिका शरीर विज्ञान की एक मौलिक प्रक्रिया है जिसका मानव स्वास्थ्य एवं बीमारियों के लिए बड़ा निहितार्थ है. अनुसंधानकर्ताओं ने सबसे पहले 1960 के दशक में पता लगाया था कि कोशिकाएं अपनी सामग्रियों को झिल्लियों में लपेटकर और लाइसोजोम नाम के एक पुनर्चक्रण कंपार्टमेंट में भेजकर नष्ट कर सकती हैं.
नोबेल प्राइज देने वाली संस्था के आधिकारिक ट्विटर हैंडल से इस संबंध में ट्वीट किया गया है. ऑटोफैगी एक शारीरिक प्रक्रिया है जो शरीर में कोशिकाओं के हो रहे क्षरण से निपटती है. पुरस्कार मिलने के बाद ओशिनोरी ने कहा कि खबर से मैं काफी चकित रह गया था. जब मुझे सूचना मिली तब मैं लैब में था.
नोबेल प्राइज देने वाली संस्था के आधिकारिक ट्विटर हैंडल से इस संबंध में ट्वीट किया गया है. ऑटोफैगी एक शारीरिक प्रक्रिया है जो शरीर में कोशिकाओं के हो रहे क्षरण से निपटती है. पुरस्कार मिलने के बाद ओशिनोरी ने कहा कि खबर से मैं काफी चकित रह गया था. जब मुझे सूचना मिली तब मैं लैब में था. | यह एक सारांश है: जापान के योशिनोरी ओसुमी को चिकित्सा के क्षेत्र में मिला नोबेल
योशिनोरी ओसुमी को ऑटोफैगी के क्षेत्र में रिसर्च के लिए दिया गया नोबेल
ऑटोफैगी एक ऐसी प्रक्रिया है, जिसमें कोशिकाएं 'खुद को खा जाती हैं' | 2 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: भारतीय रोहित शर्मा, सुरेश रैना और गौतम गंभीर के लिए खतरे की घंटी बज गई है। इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज में अगर इन बल्लेबाजों का प्रदर्शन नहीं सुधरा तो इन्हें भी टीम से ड्रॉप किया जा सकता है।
नई चयनसमिति के एक चयनकर्ताओं ने जानकारी दी है कि चयनसमिति कैसे भी और कितने भी कड़े फैसले लेने से पीछे नहीं हटेगी। टीम में बने रहने का पैमाना सिर्फ प्रदर्शन होगा। सेलेक्टर के मुताबिक, इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज में रोहित, रैना और गंभीर के प्रदर्शन पर खासतौर से चयनकर्ताओं की नजर होगी।
उधर, गौतम गंभीर ने पाकिस्तान के खिलाफ सीरीज का आखिरी वन-डे मैच खेलने के बाद अगले दिन दिल्ली टीम के साथ नेट्स में अभ्यास किया। गंभीर की इस कवायद को देखकर साफ पता लगता है कि वह फॉर्म दोबारा से पाने की कितनी पुरजोर कोशिश कर रहे हैं।टिप्पणियां
नेट्स पर गंभीर को आशीष नेहरा और प्रदीप सांगवान ने काफी देर तक गेंदबाजी कराई। दिल्ली के कोच विजय दहिया भी इस दौरान वहीं मौजूद थे और गंभीर के फुटवर्क को गौर से देख रहे थे।
गौरतलब है कि गंभीर का पिछले एक साल से प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा है और उन्हें भी अंदाजा हो गया है कि अगर ऐसे ही चलता रहा तो उनकी भी सहवाग की तरह वन-डे टीम से छुट्टी हो सकती है।
नई चयनसमिति के एक चयनकर्ताओं ने जानकारी दी है कि चयनसमिति कैसे भी और कितने भी कड़े फैसले लेने से पीछे नहीं हटेगी। टीम में बने रहने का पैमाना सिर्फ प्रदर्शन होगा। सेलेक्टर के मुताबिक, इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज में रोहित, रैना और गंभीर के प्रदर्शन पर खासतौर से चयनकर्ताओं की नजर होगी।
उधर, गौतम गंभीर ने पाकिस्तान के खिलाफ सीरीज का आखिरी वन-डे मैच खेलने के बाद अगले दिन दिल्ली टीम के साथ नेट्स में अभ्यास किया। गंभीर की इस कवायद को देखकर साफ पता लगता है कि वह फॉर्म दोबारा से पाने की कितनी पुरजोर कोशिश कर रहे हैं।टिप्पणियां
नेट्स पर गंभीर को आशीष नेहरा और प्रदीप सांगवान ने काफी देर तक गेंदबाजी कराई। दिल्ली के कोच विजय दहिया भी इस दौरान वहीं मौजूद थे और गंभीर के फुटवर्क को गौर से देख रहे थे।
गौरतलब है कि गंभीर का पिछले एक साल से प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा है और उन्हें भी अंदाजा हो गया है कि अगर ऐसे ही चलता रहा तो उनकी भी सहवाग की तरह वन-डे टीम से छुट्टी हो सकती है।
उधर, गौतम गंभीर ने पाकिस्तान के खिलाफ सीरीज का आखिरी वन-डे मैच खेलने के बाद अगले दिन दिल्ली टीम के साथ नेट्स में अभ्यास किया। गंभीर की इस कवायद को देखकर साफ पता लगता है कि वह फॉर्म दोबारा से पाने की कितनी पुरजोर कोशिश कर रहे हैं।टिप्पणियां
नेट्स पर गंभीर को आशीष नेहरा और प्रदीप सांगवान ने काफी देर तक गेंदबाजी कराई। दिल्ली के कोच विजय दहिया भी इस दौरान वहीं मौजूद थे और गंभीर के फुटवर्क को गौर से देख रहे थे।
गौरतलब है कि गंभीर का पिछले एक साल से प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा है और उन्हें भी अंदाजा हो गया है कि अगर ऐसे ही चलता रहा तो उनकी भी सहवाग की तरह वन-डे टीम से छुट्टी हो सकती है।
नेट्स पर गंभीर को आशीष नेहरा और प्रदीप सांगवान ने काफी देर तक गेंदबाजी कराई। दिल्ली के कोच विजय दहिया भी इस दौरान वहीं मौजूद थे और गंभीर के फुटवर्क को गौर से देख रहे थे।
गौरतलब है कि गंभीर का पिछले एक साल से प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा है और उन्हें भी अंदाजा हो गया है कि अगर ऐसे ही चलता रहा तो उनकी भी सहवाग की तरह वन-डे टीम से छुट्टी हो सकती है।
गौरतलब है कि गंभीर का पिछले एक साल से प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा है और उन्हें भी अंदाजा हो गया है कि अगर ऐसे ही चलता रहा तो उनकी भी सहवाग की तरह वन-डे टीम से छुट्टी हो सकती है। | संक्षिप्त सारांश: भारतीय रोहित शर्मा, सुरेश रैना और गौतम गंभीर के लिए खतरे की घंटी बज गई है। इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज में अगर इन बल्लेबाजों का प्रदर्शन नहीं सुधरा तो इन्हें भी टीम से ड्रॉप किया जा सकता है। | 10 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: जम्मू-कश्मीर से विशेष दर्जा वाली धारा 370 के कई प्रावधान हटाए जाने को लेकर केन्द्रीय गृह राज्यमंत्री जी किशन रेड्डी ने कहा कि ऐसा वोट या प्रचार करने के लिए नहीं बल्कि देश से किया गया वादा पूरा करने के लिए किया गया है. उन्होंने घाटी के हालातों को लेकर मंगलवार को कहा कि कुछ जिलों को छोड़कर कश्मीर घाटी में कुल मिलाकर हालात "सामान्य" हैं. रेड्डी ने यह बात ''अनुच्छेद 370 की समाप्ति, उभरते भारत पर प्रभाव'' विषय पर चर्चा के दौरान कही.
रविकिशन ने कहा, "हमने इस तथ्य के बावजूद संसद में विधेयक पेश किया कि हमारे पास राज्यसभा में बहुमत नहीं है. लेकिन हम जानते थे कि कुछ राजनीतिक दल जो तीन तालाक विधेयक के खिलाफ थे, वे इसका समर्थन करेंगे क्योंकि यह मुद्दा राष्ट्रीय एकीकरण से संबंधित है."
इससे पहले 21 अगस्त तो किशन रेड्डी ने कहा था कि केंद्र ने जम्मू-कश्मीर में कानून व्यवस्था की स्थिति खराब करने की पाकिस्तान की बदनीयत के मद्देनजर कुछ पाबंदियां लागू कर रखी हैं. और विपक्षी नेताओं को वहां सभाएं करने के लिए कुछ दिन का इंतजार करना चाहिए. रेड्डी ने कहा था कि पाकिस्तान चाहता है कि जम्मू कश्मीर में शांति बाधित हो और वह दुनिया को कह सके कि कश्मीर को लेकर भारत सरकार के निर्णय गलत हैं. जम्मू कश्मीर के हालात और वहां हिंसा की खबरों पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि छोटी-मोटी घटनाएं पहली बार नहीं हो रहीं. | संक्षिप्त सारांश: किशन रेड्डी बोले- कश्मीर में सामान्य हो रहे हालात
तीन तलाक के मुद्दे पर भी किशन रेड्डी ने रखी राय
5 अगस्त को हटाई गई थी धारा-370 | 0 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: पश्चिम बंगाल में लोगों के पैसे लेकर भागी शारदा ग्रुप की चिट फंड कम्पनी के प्रमोटर सुदीप्तो सेन और उसके दो सहयोगियों को मंगलवार को कश्मीर में गिरफ्तार कर लिया गया।
इस मामले में कारोबारियों के प्रतिनिधि संगठन एसोचैम ने दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई किए जाने तथा मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो से कराने की मांग की है। उधर राज्य के एक वरिष्ठ मंत्री ने मंगलवार को कहा कि राज्य सरकार द्वारा चिट फंड घोटाले की जांच के लिए गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही काम शुरू कर देगी।
शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड कम्पनी के प्रमोटर सुदीप्तो सेन को उसके दो सहयोगियों के साथ मंगलवार को जम्मू एवं कश्मीर के सोनमर्ग से गिरफ्तार कर लिया गया।
जम्मू एवं कश्मीर पुलिस के एक अधिकारी ने कहा, "पश्चिम बंगाल पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के आधार पर आज (मंगलवार को) गंदरबल जिले में सोनमर्ग टूरिस्ट रिजॉर्ट से तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है।"
अधिकारी ने कहा, "गिरफ्तार किए गए तीनों लोगों को गंदरबल जिला मुख्यालय लाया गया, जहां पश्चिम बंगाल यहां आए एक पुलिस अधिकारी ने उनकी पहचान पश्चिम बंगाल चिट फंड घोटाले के मुख्य आरोपी और दो सहयोगियों के रूप में की।" अन्य दो की पहचान देबजानी मुखोपाध्याय और अरविंद सिंह चौहान के रूप में की गई।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि पश्चिम बंगाल पुलिस के घोटाले की जांच कर रहे अधिकारियों का एक बड़ा दल गिरफ्तार आरोपियों को अपनी हिरासत में लेने के लिए बुधवार को यहां पहुंच रहा है।
कारोबारियों के प्रतिनिधि संगठन एसोचैम ने मंगलवार को चिट फंड घोटाले के गुनाहगारों के खिलाफ जल्द से जल्द कार्रवाई किए जाने और जमाकर्ताओं के हितों की सुरक्षा की मांग की। एसोचैम ने कहा कि मामले की केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) से जांच भी कराई जा सकती है।
एसोचैम सचिव डीएस रावत ने कहा, "यह गम्भीर मामला है। एक भी व्यक्ति यदि आत्महत्या करता है, तो आप मामले की गम्भीरता समझ सकते हैं। सवाल यह है कि अब तक क्या किया गया है। अब तक क्या जांच हुई है।"
रावत ने कहा, "इससे पहले कि और आत्महत्या हो, कदम उठाया जाना चाहिए। आपको (जल्द से जल्द) कदम उठाना चाहिए।"
चिट फंड कम्पनी श्रद्धा ग्रुप के खिलाफ राज्य भर में लाख निवेशकों ने गुस्से का इजहार किया है। निवेशक अपना पैसा वापस मांग रहे हैं। कई स्थानों पर निवेशकों और एजेंटों के बीच झड़प भी हुई।
रावत ने कहा कि निवेशकों को ठगने वाले लोगों को सजा दी जानी चाहिए और निवेशकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र को जिम्मेदारी एक-दूसरे पर थोपने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा, "कुछ लोग मांग कर रहे हैं कि मामले की सीबीआई से जांच कराई जानी चाहिए। इसमें कोई नुकसान नहीं है।"
उधर, मंगलवार को ही राज्य सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने कहा कि चिट फंड घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही कार्य शुरू करेगी।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
इस मामले में कारोबारियों के प्रतिनिधि संगठन एसोचैम ने दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई किए जाने तथा मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो से कराने की मांग की है। उधर राज्य के एक वरिष्ठ मंत्री ने मंगलवार को कहा कि राज्य सरकार द्वारा चिट फंड घोटाले की जांच के लिए गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही काम शुरू कर देगी।
शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड कम्पनी के प्रमोटर सुदीप्तो सेन को उसके दो सहयोगियों के साथ मंगलवार को जम्मू एवं कश्मीर के सोनमर्ग से गिरफ्तार कर लिया गया।
जम्मू एवं कश्मीर पुलिस के एक अधिकारी ने कहा, "पश्चिम बंगाल पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के आधार पर आज (मंगलवार को) गंदरबल जिले में सोनमर्ग टूरिस्ट रिजॉर्ट से तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है।"
अधिकारी ने कहा, "गिरफ्तार किए गए तीनों लोगों को गंदरबल जिला मुख्यालय लाया गया, जहां पश्चिम बंगाल यहां आए एक पुलिस अधिकारी ने उनकी पहचान पश्चिम बंगाल चिट फंड घोटाले के मुख्य आरोपी और दो सहयोगियों के रूप में की।" अन्य दो की पहचान देबजानी मुखोपाध्याय और अरविंद सिंह चौहान के रूप में की गई।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि पश्चिम बंगाल पुलिस के घोटाले की जांच कर रहे अधिकारियों का एक बड़ा दल गिरफ्तार आरोपियों को अपनी हिरासत में लेने के लिए बुधवार को यहां पहुंच रहा है।
कारोबारियों के प्रतिनिधि संगठन एसोचैम ने मंगलवार को चिट फंड घोटाले के गुनाहगारों के खिलाफ जल्द से जल्द कार्रवाई किए जाने और जमाकर्ताओं के हितों की सुरक्षा की मांग की। एसोचैम ने कहा कि मामले की केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) से जांच भी कराई जा सकती है।
एसोचैम सचिव डीएस रावत ने कहा, "यह गम्भीर मामला है। एक भी व्यक्ति यदि आत्महत्या करता है, तो आप मामले की गम्भीरता समझ सकते हैं। सवाल यह है कि अब तक क्या किया गया है। अब तक क्या जांच हुई है।"
रावत ने कहा, "इससे पहले कि और आत्महत्या हो, कदम उठाया जाना चाहिए। आपको (जल्द से जल्द) कदम उठाना चाहिए।"
चिट फंड कम्पनी श्रद्धा ग्रुप के खिलाफ राज्य भर में लाख निवेशकों ने गुस्से का इजहार किया है। निवेशक अपना पैसा वापस मांग रहे हैं। कई स्थानों पर निवेशकों और एजेंटों के बीच झड़प भी हुई।
रावत ने कहा कि निवेशकों को ठगने वाले लोगों को सजा दी जानी चाहिए और निवेशकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र को जिम्मेदारी एक-दूसरे पर थोपने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा, "कुछ लोग मांग कर रहे हैं कि मामले की सीबीआई से जांच कराई जानी चाहिए। इसमें कोई नुकसान नहीं है।"
उधर, मंगलवार को ही राज्य सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने कहा कि चिट फंड घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही कार्य शुरू करेगी।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड कम्पनी के प्रमोटर सुदीप्तो सेन को उसके दो सहयोगियों के साथ मंगलवार को जम्मू एवं कश्मीर के सोनमर्ग से गिरफ्तार कर लिया गया।
जम्मू एवं कश्मीर पुलिस के एक अधिकारी ने कहा, "पश्चिम बंगाल पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के आधार पर आज (मंगलवार को) गंदरबल जिले में सोनमर्ग टूरिस्ट रिजॉर्ट से तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है।"
अधिकारी ने कहा, "गिरफ्तार किए गए तीनों लोगों को गंदरबल जिला मुख्यालय लाया गया, जहां पश्चिम बंगाल यहां आए एक पुलिस अधिकारी ने उनकी पहचान पश्चिम बंगाल चिट फंड घोटाले के मुख्य आरोपी और दो सहयोगियों के रूप में की।" अन्य दो की पहचान देबजानी मुखोपाध्याय और अरविंद सिंह चौहान के रूप में की गई।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि पश्चिम बंगाल पुलिस के घोटाले की जांच कर रहे अधिकारियों का एक बड़ा दल गिरफ्तार आरोपियों को अपनी हिरासत में लेने के लिए बुधवार को यहां पहुंच रहा है।
कारोबारियों के प्रतिनिधि संगठन एसोचैम ने मंगलवार को चिट फंड घोटाले के गुनाहगारों के खिलाफ जल्द से जल्द कार्रवाई किए जाने और जमाकर्ताओं के हितों की सुरक्षा की मांग की। एसोचैम ने कहा कि मामले की केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) से जांच भी कराई जा सकती है।
एसोचैम सचिव डीएस रावत ने कहा, "यह गम्भीर मामला है। एक भी व्यक्ति यदि आत्महत्या करता है, तो आप मामले की गम्भीरता समझ सकते हैं। सवाल यह है कि अब तक क्या किया गया है। अब तक क्या जांच हुई है।"
रावत ने कहा, "इससे पहले कि और आत्महत्या हो, कदम उठाया जाना चाहिए। आपको (जल्द से जल्द) कदम उठाना चाहिए।"
चिट फंड कम्पनी श्रद्धा ग्रुप के खिलाफ राज्य भर में लाख निवेशकों ने गुस्से का इजहार किया है। निवेशक अपना पैसा वापस मांग रहे हैं। कई स्थानों पर निवेशकों और एजेंटों के बीच झड़प भी हुई।
रावत ने कहा कि निवेशकों को ठगने वाले लोगों को सजा दी जानी चाहिए और निवेशकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र को जिम्मेदारी एक-दूसरे पर थोपने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा, "कुछ लोग मांग कर रहे हैं कि मामले की सीबीआई से जांच कराई जानी चाहिए। इसमें कोई नुकसान नहीं है।"
उधर, मंगलवार को ही राज्य सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने कहा कि चिट फंड घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही कार्य शुरू करेगी।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
जम्मू एवं कश्मीर पुलिस के एक अधिकारी ने कहा, "पश्चिम बंगाल पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के आधार पर आज (मंगलवार को) गंदरबल जिले में सोनमर्ग टूरिस्ट रिजॉर्ट से तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है।"
अधिकारी ने कहा, "गिरफ्तार किए गए तीनों लोगों को गंदरबल जिला मुख्यालय लाया गया, जहां पश्चिम बंगाल यहां आए एक पुलिस अधिकारी ने उनकी पहचान पश्चिम बंगाल चिट फंड घोटाले के मुख्य आरोपी और दो सहयोगियों के रूप में की।" अन्य दो की पहचान देबजानी मुखोपाध्याय और अरविंद सिंह चौहान के रूप में की गई।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि पश्चिम बंगाल पुलिस के घोटाले की जांच कर रहे अधिकारियों का एक बड़ा दल गिरफ्तार आरोपियों को अपनी हिरासत में लेने के लिए बुधवार को यहां पहुंच रहा है।
कारोबारियों के प्रतिनिधि संगठन एसोचैम ने मंगलवार को चिट फंड घोटाले के गुनाहगारों के खिलाफ जल्द से जल्द कार्रवाई किए जाने और जमाकर्ताओं के हितों की सुरक्षा की मांग की। एसोचैम ने कहा कि मामले की केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) से जांच भी कराई जा सकती है।
एसोचैम सचिव डीएस रावत ने कहा, "यह गम्भीर मामला है। एक भी व्यक्ति यदि आत्महत्या करता है, तो आप मामले की गम्भीरता समझ सकते हैं। सवाल यह है कि अब तक क्या किया गया है। अब तक क्या जांच हुई है।"
रावत ने कहा, "इससे पहले कि और आत्महत्या हो, कदम उठाया जाना चाहिए। आपको (जल्द से जल्द) कदम उठाना चाहिए।"
चिट फंड कम्पनी श्रद्धा ग्रुप के खिलाफ राज्य भर में लाख निवेशकों ने गुस्से का इजहार किया है। निवेशक अपना पैसा वापस मांग रहे हैं। कई स्थानों पर निवेशकों और एजेंटों के बीच झड़प भी हुई।
रावत ने कहा कि निवेशकों को ठगने वाले लोगों को सजा दी जानी चाहिए और निवेशकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र को जिम्मेदारी एक-दूसरे पर थोपने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा, "कुछ लोग मांग कर रहे हैं कि मामले की सीबीआई से जांच कराई जानी चाहिए। इसमें कोई नुकसान नहीं है।"
उधर, मंगलवार को ही राज्य सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने कहा कि चिट फंड घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही कार्य शुरू करेगी।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
अधिकारी ने कहा, "गिरफ्तार किए गए तीनों लोगों को गंदरबल जिला मुख्यालय लाया गया, जहां पश्चिम बंगाल यहां आए एक पुलिस अधिकारी ने उनकी पहचान पश्चिम बंगाल चिट फंड घोटाले के मुख्य आरोपी और दो सहयोगियों के रूप में की।" अन्य दो की पहचान देबजानी मुखोपाध्याय और अरविंद सिंह चौहान के रूप में की गई।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि पश्चिम बंगाल पुलिस के घोटाले की जांच कर रहे अधिकारियों का एक बड़ा दल गिरफ्तार आरोपियों को अपनी हिरासत में लेने के लिए बुधवार को यहां पहुंच रहा है।
कारोबारियों के प्रतिनिधि संगठन एसोचैम ने मंगलवार को चिट फंड घोटाले के गुनाहगारों के खिलाफ जल्द से जल्द कार्रवाई किए जाने और जमाकर्ताओं के हितों की सुरक्षा की मांग की। एसोचैम ने कहा कि मामले की केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) से जांच भी कराई जा सकती है।
एसोचैम सचिव डीएस रावत ने कहा, "यह गम्भीर मामला है। एक भी व्यक्ति यदि आत्महत्या करता है, तो आप मामले की गम्भीरता समझ सकते हैं। सवाल यह है कि अब तक क्या किया गया है। अब तक क्या जांच हुई है।"
रावत ने कहा, "इससे पहले कि और आत्महत्या हो, कदम उठाया जाना चाहिए। आपको (जल्द से जल्द) कदम उठाना चाहिए।"
चिट फंड कम्पनी श्रद्धा ग्रुप के खिलाफ राज्य भर में लाख निवेशकों ने गुस्से का इजहार किया है। निवेशक अपना पैसा वापस मांग रहे हैं। कई स्थानों पर निवेशकों और एजेंटों के बीच झड़प भी हुई।
रावत ने कहा कि निवेशकों को ठगने वाले लोगों को सजा दी जानी चाहिए और निवेशकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र को जिम्मेदारी एक-दूसरे पर थोपने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा, "कुछ लोग मांग कर रहे हैं कि मामले की सीबीआई से जांच कराई जानी चाहिए। इसमें कोई नुकसान नहीं है।"
उधर, मंगलवार को ही राज्य सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने कहा कि चिट फंड घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही कार्य शुरू करेगी।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि पश्चिम बंगाल पुलिस के घोटाले की जांच कर रहे अधिकारियों का एक बड़ा दल गिरफ्तार आरोपियों को अपनी हिरासत में लेने के लिए बुधवार को यहां पहुंच रहा है।
कारोबारियों के प्रतिनिधि संगठन एसोचैम ने मंगलवार को चिट फंड घोटाले के गुनाहगारों के खिलाफ जल्द से जल्द कार्रवाई किए जाने और जमाकर्ताओं के हितों की सुरक्षा की मांग की। एसोचैम ने कहा कि मामले की केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) से जांच भी कराई जा सकती है।
एसोचैम सचिव डीएस रावत ने कहा, "यह गम्भीर मामला है। एक भी व्यक्ति यदि आत्महत्या करता है, तो आप मामले की गम्भीरता समझ सकते हैं। सवाल यह है कि अब तक क्या किया गया है। अब तक क्या जांच हुई है।"
रावत ने कहा, "इससे पहले कि और आत्महत्या हो, कदम उठाया जाना चाहिए। आपको (जल्द से जल्द) कदम उठाना चाहिए।"
चिट फंड कम्पनी श्रद्धा ग्रुप के खिलाफ राज्य भर में लाख निवेशकों ने गुस्से का इजहार किया है। निवेशक अपना पैसा वापस मांग रहे हैं। कई स्थानों पर निवेशकों और एजेंटों के बीच झड़प भी हुई।
रावत ने कहा कि निवेशकों को ठगने वाले लोगों को सजा दी जानी चाहिए और निवेशकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र को जिम्मेदारी एक-दूसरे पर थोपने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा, "कुछ लोग मांग कर रहे हैं कि मामले की सीबीआई से जांच कराई जानी चाहिए। इसमें कोई नुकसान नहीं है।"
उधर, मंगलवार को ही राज्य सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने कहा कि चिट फंड घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही कार्य शुरू करेगी।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
कारोबारियों के प्रतिनिधि संगठन एसोचैम ने मंगलवार को चिट फंड घोटाले के गुनाहगारों के खिलाफ जल्द से जल्द कार्रवाई किए जाने और जमाकर्ताओं के हितों की सुरक्षा की मांग की। एसोचैम ने कहा कि मामले की केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) से जांच भी कराई जा सकती है।
एसोचैम सचिव डीएस रावत ने कहा, "यह गम्भीर मामला है। एक भी व्यक्ति यदि आत्महत्या करता है, तो आप मामले की गम्भीरता समझ सकते हैं। सवाल यह है कि अब तक क्या किया गया है। अब तक क्या जांच हुई है।"
रावत ने कहा, "इससे पहले कि और आत्महत्या हो, कदम उठाया जाना चाहिए। आपको (जल्द से जल्द) कदम उठाना चाहिए।"
चिट फंड कम्पनी श्रद्धा ग्रुप के खिलाफ राज्य भर में लाख निवेशकों ने गुस्से का इजहार किया है। निवेशक अपना पैसा वापस मांग रहे हैं। कई स्थानों पर निवेशकों और एजेंटों के बीच झड़प भी हुई।
रावत ने कहा कि निवेशकों को ठगने वाले लोगों को सजा दी जानी चाहिए और निवेशकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र को जिम्मेदारी एक-दूसरे पर थोपने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा, "कुछ लोग मांग कर रहे हैं कि मामले की सीबीआई से जांच कराई जानी चाहिए। इसमें कोई नुकसान नहीं है।"
उधर, मंगलवार को ही राज्य सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने कहा कि चिट फंड घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही कार्य शुरू करेगी।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
एसोचैम सचिव डीएस रावत ने कहा, "यह गम्भीर मामला है। एक भी व्यक्ति यदि आत्महत्या करता है, तो आप मामले की गम्भीरता समझ सकते हैं। सवाल यह है कि अब तक क्या किया गया है। अब तक क्या जांच हुई है।"
रावत ने कहा, "इससे पहले कि और आत्महत्या हो, कदम उठाया जाना चाहिए। आपको (जल्द से जल्द) कदम उठाना चाहिए।"
चिट फंड कम्पनी श्रद्धा ग्रुप के खिलाफ राज्य भर में लाख निवेशकों ने गुस्से का इजहार किया है। निवेशक अपना पैसा वापस मांग रहे हैं। कई स्थानों पर निवेशकों और एजेंटों के बीच झड़प भी हुई।
रावत ने कहा कि निवेशकों को ठगने वाले लोगों को सजा दी जानी चाहिए और निवेशकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र को जिम्मेदारी एक-दूसरे पर थोपने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा, "कुछ लोग मांग कर रहे हैं कि मामले की सीबीआई से जांच कराई जानी चाहिए। इसमें कोई नुकसान नहीं है।"
उधर, मंगलवार को ही राज्य सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने कहा कि चिट फंड घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही कार्य शुरू करेगी।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
रावत ने कहा, "इससे पहले कि और आत्महत्या हो, कदम उठाया जाना चाहिए। आपको (जल्द से जल्द) कदम उठाना चाहिए।"
चिट फंड कम्पनी श्रद्धा ग्रुप के खिलाफ राज्य भर में लाख निवेशकों ने गुस्से का इजहार किया है। निवेशक अपना पैसा वापस मांग रहे हैं। कई स्थानों पर निवेशकों और एजेंटों के बीच झड़प भी हुई।
रावत ने कहा कि निवेशकों को ठगने वाले लोगों को सजा दी जानी चाहिए और निवेशकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र को जिम्मेदारी एक-दूसरे पर थोपने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा, "कुछ लोग मांग कर रहे हैं कि मामले की सीबीआई से जांच कराई जानी चाहिए। इसमें कोई नुकसान नहीं है।"
उधर, मंगलवार को ही राज्य सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने कहा कि चिट फंड घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही कार्य शुरू करेगी।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
चिट फंड कम्पनी श्रद्धा ग्रुप के खिलाफ राज्य भर में लाख निवेशकों ने गुस्से का इजहार किया है। निवेशक अपना पैसा वापस मांग रहे हैं। कई स्थानों पर निवेशकों और एजेंटों के बीच झड़प भी हुई।
रावत ने कहा कि निवेशकों को ठगने वाले लोगों को सजा दी जानी चाहिए और निवेशकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र को जिम्मेदारी एक-दूसरे पर थोपने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा, "कुछ लोग मांग कर रहे हैं कि मामले की सीबीआई से जांच कराई जानी चाहिए। इसमें कोई नुकसान नहीं है।"
उधर, मंगलवार को ही राज्य सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने कहा कि चिट फंड घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही कार्य शुरू करेगी।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
रावत ने कहा कि निवेशकों को ठगने वाले लोगों को सजा दी जानी चाहिए और निवेशकों की सुरक्षा के लिए कदम उठाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र को जिम्मेदारी एक-दूसरे पर थोपने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा, "कुछ लोग मांग कर रहे हैं कि मामले की सीबीआई से जांच कराई जानी चाहिए। इसमें कोई नुकसान नहीं है।"
उधर, मंगलवार को ही राज्य सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने कहा कि चिट फंड घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही कार्य शुरू करेगी।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
उधर, मंगलवार को ही राज्य सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने कहा कि चिट फंड घोटाले की जांच के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति जल्द ही कार्य शुरू करेगी।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
राज्य मंत्रिमंडल ने कोलकाता उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश श्यामल सेन की अध्यक्षता में समिति गठित करने के फैसले को मंजूरी दी।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
समिति शारदा ग्रुप द्वारा संचालित चिट फंड में वित्तीय अनियमितता की जांच करेगी। चिट फंड घोटाले से छोटे शहरों और गांवों के लाखों निवेशक प्रभावित हुए हैं, जिन्होंने कड़ी मेहनत से कमाए पैसे कम्पनी में लगाए थे।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
उद्योग मंत्री पार्था चटर्जी ने कहा, "समिति मुख्यत: शारदा ग्रुप और उसके जैसी अन्य कम्पनियों की गतिविधियों की जांच करेगी।"
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
मंत्री ने कहा, "इस बारे में अधिसूचना जल्द जारी किया जाएगा।" मंत्री ने अपील की है कि जिन्हें भी समूह या अन्य कम्पनियों के विरोध में शिकायतें करनी है, वे समिति के पास पहुंचें। उन्होंने कहा, "समिति इस बारे में समाचार पत्रों में विज्ञापन भी प्रकाशित करेगी।"
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
समिति में चार और सदस्य होंगे, जिनमें से एक आईपीएस अधिकारी होगा। अन्य सदस्य कम्पनी जगत और नागरिक संगठन होंगे, जबकि एक अर्थशास्त्री होगा। समिति की घोषणा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को की थी।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
तृणमूल कांग्रेस सरकार पर शारदा ग्रुप से नजदीकी रखने का आरोप लग रहा है। तृणमूल कांग्रेस के एक राज्यसभा सदस्य कम्पनी में पहले मीडिया इकाई के प्रमुख थे। कुछ अन्य नेताओं की भी कम्पनी से नजदीकी रखने की बात कही जा रही है।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
पैसे की वापसी नहीं होने पर हिंसक विरोध पैदा होने के बाद राज्य भर में पिछले कुछ सप्ताहों से कम्पनी के कार्यालयों का दरवाजा बंद पड़ा है। कई कार्यालयों को लूट लिया गया है और उनके एजेंटों की पिटाई की गई है। कम से कम तीन एजेंटों और निवेशकों ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
एजेंटों और वितरकों ने बनर्जी के दक्षिण कोलकाता आवास के बाहर, पार्टी के राज्य मुख्यालय और पार्टी के कुछ नेताओं तथा मंत्रियों के घर के बाहर प्रदर्शन किया है।टिप्पणियां
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
शेयर बाजार नियामक सेबी और केंद्रीय कम्पनी मामलों के मंत्रालय के गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय द्वारा चिटफंड के खिलाफ कानून तोड़ने के कारण कार्रवाई शुरू करने के बाद समूह की वित्तीय स्थिति दबाव में आ गई।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं।
समूह में संकट जनवरी से ही चल रहा था, जिसके कारण उसे हाल ही में 2010 से शुरू किए गए या खरीदे गए 10 से अधिक समाचारपत्रों और टेलीविजन चैनलों को बंद करना पड़ा। इसके कारण 1,000 से अधिक पत्रकार और गैर पत्रकार बेरोजगार हो चुके हैं। | यहाँ एक सारांश है:पश्चिम बंगाल में लोगों के पैसे लेकर भागी शारदा ग्रुप की चिट फंड कम्पनी के प्रमोटर सुदीप्तो सेन और उसके दो सहयोगियों को मंगलवार को कश्मीर में गिरफ्तार कर लिया गया। | 4 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: बदन पर खाकी, कंधों पर सितारे, बाजू पर बैच और साथ में सुरक्षागार्ड. इस तमाम तामझाम को देखकर अक्सर लोगों के जहन में पुलिस को लेकर एक अलग ही तस्वीर उभरती है. लेकिन कभी-कभी इसी महकमे के मुलाज़िम कुछ ऐसा करते नज़र आ जाते हैं जिसे देखकर यकीन नहीं होता. ऐसी ही एक तस्वीर उस वक्त देखने को मिली जब देवघर के नए सदर एसडीपीओ यानी, डीएसपी साहब अचानक जिले के सबसे पुराने और शहर के बीचों-बीच स्थित आरएल सर्राफ स्कूल पहुंचे.
स्कूल कैम्पस में दाखिल होते ही एसडीपीओ महोदय ने सीधे उस क्लासरूम की तरफ रुख किया जहां बच्चों की क्लास चल रही थी. क्लासरूम में यूं अचानक वर्दीधारी अधिकारी को देखकर एक बार तो बच्चे भी थोड़े हैरान हुए लेकिन, चंद मिनटों में ही क्लासरूम के भीतर से जो आवाज़ बाहर आई वह बेहद सुकून पहुंचने वाली थी.
उस क्लास के भीतर बाद में पुलिस महकमे के वही अधिकारी एक शिक्षक की भूमिका में नजर आ रहे थे. जाहिर है जो बच्चे अब तक खाकी और खाकी के नुमाइंदों के किस्से लोगों की जुबानी सुना करते थे उनके लिए यह तस्वीर किसी अजूबे से कम नहीं थी. लिहाज़ा विकासचंद्र श्रीवास्तव को आपने बीच टीचर की भूमिका में देखकर बच्चे भी काफी उत्साहित नज़र आ रहे थे. टिप्पणियां
दरअसल देवघर के एसडीपीओ विकासचंद्र श्रीवास्तव को पढ़ने और पढ़ाने का काफी शौक रहा है. मगर इस शौक की वज़ह से डीएसपी साहब अपनी ड्यूटी से समझौता नहीं करते और इस बीच उन्हें जब भी मौका मिलता है इस तरह की एक्टिविटी में अक्सर नज़र आ जाते हैं. इस बाबत पूछने पर वे बताते हैं कि बच्चों के बीच आकर उन्हें पढ़ाना ही एकमात्र मकसद नहीं है बल्कि, इसके ज़रिए उनकी प्रतिभा को निखारने और समाज मे फैल रहे साइबर अपराध के प्रति जागरूक करना भी है.
बहरहाल, जिस तरीके से अपने काम मे व्यस्त रहने के बावजूद पुलिस विभाग के यह अधिकारी शिक्षा के प्रति बच्चों को प्रोत्साहित करते नज़र आते हैं, अगर यही जज़्बा बाकी सरकारी मुलाजिमों के बीच भी दिखने लगे तो वह दिन भी दूर नहीं जब सुदूरवर्ती इलाके भी आने वाला कल में ज्ञान की रोशनी से रोशन नज़र आएंगे.
स्कूल कैम्पस में दाखिल होते ही एसडीपीओ महोदय ने सीधे उस क्लासरूम की तरफ रुख किया जहां बच्चों की क्लास चल रही थी. क्लासरूम में यूं अचानक वर्दीधारी अधिकारी को देखकर एक बार तो बच्चे भी थोड़े हैरान हुए लेकिन, चंद मिनटों में ही क्लासरूम के भीतर से जो आवाज़ बाहर आई वह बेहद सुकून पहुंचने वाली थी.
उस क्लास के भीतर बाद में पुलिस महकमे के वही अधिकारी एक शिक्षक की भूमिका में नजर आ रहे थे. जाहिर है जो बच्चे अब तक खाकी और खाकी के नुमाइंदों के किस्से लोगों की जुबानी सुना करते थे उनके लिए यह तस्वीर किसी अजूबे से कम नहीं थी. लिहाज़ा विकासचंद्र श्रीवास्तव को आपने बीच टीचर की भूमिका में देखकर बच्चे भी काफी उत्साहित नज़र आ रहे थे. टिप्पणियां
दरअसल देवघर के एसडीपीओ विकासचंद्र श्रीवास्तव को पढ़ने और पढ़ाने का काफी शौक रहा है. मगर इस शौक की वज़ह से डीएसपी साहब अपनी ड्यूटी से समझौता नहीं करते और इस बीच उन्हें जब भी मौका मिलता है इस तरह की एक्टिविटी में अक्सर नज़र आ जाते हैं. इस बाबत पूछने पर वे बताते हैं कि बच्चों के बीच आकर उन्हें पढ़ाना ही एकमात्र मकसद नहीं है बल्कि, इसके ज़रिए उनकी प्रतिभा को निखारने और समाज मे फैल रहे साइबर अपराध के प्रति जागरूक करना भी है.
बहरहाल, जिस तरीके से अपने काम मे व्यस्त रहने के बावजूद पुलिस विभाग के यह अधिकारी शिक्षा के प्रति बच्चों को प्रोत्साहित करते नज़र आते हैं, अगर यही जज़्बा बाकी सरकारी मुलाजिमों के बीच भी दिखने लगे तो वह दिन भी दूर नहीं जब सुदूरवर्ती इलाके भी आने वाला कल में ज्ञान की रोशनी से रोशन नज़र आएंगे.
उस क्लास के भीतर बाद में पुलिस महकमे के वही अधिकारी एक शिक्षक की भूमिका में नजर आ रहे थे. जाहिर है जो बच्चे अब तक खाकी और खाकी के नुमाइंदों के किस्से लोगों की जुबानी सुना करते थे उनके लिए यह तस्वीर किसी अजूबे से कम नहीं थी. लिहाज़ा विकासचंद्र श्रीवास्तव को आपने बीच टीचर की भूमिका में देखकर बच्चे भी काफी उत्साहित नज़र आ रहे थे. टिप्पणियां
दरअसल देवघर के एसडीपीओ विकासचंद्र श्रीवास्तव को पढ़ने और पढ़ाने का काफी शौक रहा है. मगर इस शौक की वज़ह से डीएसपी साहब अपनी ड्यूटी से समझौता नहीं करते और इस बीच उन्हें जब भी मौका मिलता है इस तरह की एक्टिविटी में अक्सर नज़र आ जाते हैं. इस बाबत पूछने पर वे बताते हैं कि बच्चों के बीच आकर उन्हें पढ़ाना ही एकमात्र मकसद नहीं है बल्कि, इसके ज़रिए उनकी प्रतिभा को निखारने और समाज मे फैल रहे साइबर अपराध के प्रति जागरूक करना भी है.
बहरहाल, जिस तरीके से अपने काम मे व्यस्त रहने के बावजूद पुलिस विभाग के यह अधिकारी शिक्षा के प्रति बच्चों को प्रोत्साहित करते नज़र आते हैं, अगर यही जज़्बा बाकी सरकारी मुलाजिमों के बीच भी दिखने लगे तो वह दिन भी दूर नहीं जब सुदूरवर्ती इलाके भी आने वाला कल में ज्ञान की रोशनी से रोशन नज़र आएंगे.
दरअसल देवघर के एसडीपीओ विकासचंद्र श्रीवास्तव को पढ़ने और पढ़ाने का काफी शौक रहा है. मगर इस शौक की वज़ह से डीएसपी साहब अपनी ड्यूटी से समझौता नहीं करते और इस बीच उन्हें जब भी मौका मिलता है इस तरह की एक्टिविटी में अक्सर नज़र आ जाते हैं. इस बाबत पूछने पर वे बताते हैं कि बच्चों के बीच आकर उन्हें पढ़ाना ही एकमात्र मकसद नहीं है बल्कि, इसके ज़रिए उनकी प्रतिभा को निखारने और समाज मे फैल रहे साइबर अपराध के प्रति जागरूक करना भी है.
बहरहाल, जिस तरीके से अपने काम मे व्यस्त रहने के बावजूद पुलिस विभाग के यह अधिकारी शिक्षा के प्रति बच्चों को प्रोत्साहित करते नज़र आते हैं, अगर यही जज़्बा बाकी सरकारी मुलाजिमों के बीच भी दिखने लगे तो वह दिन भी दूर नहीं जब सुदूरवर्ती इलाके भी आने वाला कल में ज्ञान की रोशनी से रोशन नज़र आएंगे.
बहरहाल, जिस तरीके से अपने काम मे व्यस्त रहने के बावजूद पुलिस विभाग के यह अधिकारी शिक्षा के प्रति बच्चों को प्रोत्साहित करते नज़र आते हैं, अगर यही जज़्बा बाकी सरकारी मुलाजिमों के बीच भी दिखने लगे तो वह दिन भी दूर नहीं जब सुदूरवर्ती इलाके भी आने वाला कल में ज्ञान की रोशनी से रोशन नज़र आएंगे. | यहाँ एक सारांश है:देवघर के बीचोंबीच स्थित आरएल सर्राफ स्कूल पहुंचे एसडीपीओ
एसडीपीओ विकासचंद्र श्रीवास्तव को है पढ़ने-पढ़ाने का शौक
मौका मिलते ही पढ़ाने के लिए पहुंच जाते हैं शिक्षा संस्थानों में | 4 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: लीबियाई शासक मुअम्मर कज्जाफी के वफादार सैन्यबलों ने विपक्ष की मजबूत पकड़ वाले बेंघाजी और तोब्रूक को फिर से अपने कब्जे में लेने के लिए मंगलवार को निर्णायक कार्रवाई करते हुए अजदाबिया को घेर लिया और विद्रोहियों के सामने दो विकल्प रखें कि वे या तो आत्मसमर्पण कर दें या भाग जाएं। लड़ाकू जेट विमान अजदाबिया पर बमबारी करने के लिए विद्रोहियों की पंक्ति के पीछे पड़े हैं जबकि टैंक, गश्ती नौकाओं ने तटीय क्षेत्रों पर गोलाबारी शुरू कर दी है। यह इस रणनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण अजदाबिया के साथ बेंघाजी एवं ताब्रूक पर फिर से कब्जा जमाने की कज्जाफी की निणार्यक कार्रवाई जा पड़ रही है। अलजजीरा के अनुसार लेकिन 10 हजार से अधिक विद्रोहियों ने दो प्रमुख बंदरगाहों बेंघाजी और तोब्रूक की रक्षा के लिए कमर कस ली है । इन्हीं दोनों शहरों से लीबिया से मिस्र के रास्ता गुजरता है। पश्चिमी खुफिया रिपोर्टों में कहा गया है कि लीबियाई टैंक एवं युद्धास्त्र बेंघाजी एवं तोब्रूक पर फिर से कब्जा करने के लिए निर्णयक कार्रवाई के लिए तैयार हैं। कज्जाफी ने लीबिया में हस्तक्षेप के किसी भी पश्चिमी प्रयास के विरूद्ध 3000 सदस्यीय रिवोल्युशनी गार्ड और सशस्त्र खामिश ब्रिग्रेड समेत सेना अपने पास रखी है। जी आठ और संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में उड़ान वर्जित क्षेत्र :नो फ्लाई जोन :प्रस्ताव पर एक राय नहीं बनने की खबरों के बीच कज्जाफी ने विद्रोहियों के नियंत्रण वाले पूर्वी हिस्से को अपने कब्जे में लाने के लिए अभियान तेज कर दिया है। अपने 41 साल के शासन के खिलाफ विद्रोह के बारे में कज्जाफी ने इतालवी दैनिक के साथ साक्षात्कार में कहा, विद्रोहियों को कोई उम्मीद नहीं है। अब वह एक ऐसे कारण के लिए लड़ रहे हैं जिसमें पराजय सुनिश्चित है। दो ही संभावनाएं हैं- या तो वे आत्मसमर्पण कर दें या भाग जाएं। उन्होंने दावा किया कि विद्रोहियों का ओसामा बिन लादने के साथ संबंध है। उन्होंने यह भी दावा किया कि अंतरराष्ट्रीय बिरादरी को नहीं मालूम कि लीबिया में दरअसल क्या हो रहा है। उन्होंने कहा, लोग हमारे साथ हैं और बाकी दुष्प्रचार है। इसी बीच पेरिस में जी आठ देशों की बैठक में नो फ्लाई जोन को लेकर सहमति नहीं बन पायी। फ्रांस के विदेश मंत्री अलेन जूप्पे ने कहा कि कज्जाफी की सेनाओं को रोकने के लिए लीबियाई विपक्ष को मदद करने में विश्व शक्तियों को काफी देर हो सकती हैं। जी आठ की बैठक में शामिल होने आयीं अमेरिकी विदेश मंत्री हिलेरी क्लिंटन ने लीबिया की नेशनल काउंसिल के नेता महमूद जिब्राइल के साथ लीबिया संकट पर चर्चा की। सुरक्षा परिषद में नो फ्लाई जोन के विषय पर चर्चा हुई लेकिन कोई निर्णय नहीं हो पाया। | संक्षिप्त पाठ: कज्जाफी के सैन्यबलों ने विपक्ष की मजबूत पकड़ वाले बेंघाजी और तोब्रूक को फिर से अपने कब्जे में लेने के लिए निर्णायक कार्रवाई करते हुए अजदाबिया को घेर लिया। | 14 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) प्रमुख शरद पवार ने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि आपको चाहिए कि कुछ बोलने से पहले तथ्यों की जांच जरूर कर लगें. उन्होंने कहा कि पीएम को उनकी आलोचना करने से पहले पाकिस्तान के बारे में उनके बयान का पता करना चाहिए था. महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव से पहले नासिक में एक रैली में पीएम मोदी ने गुरुवार को दावा किया था कि शरद पवार ने हाल में एक कार्यक्रम में कहा कि उन्हें पाकिस्तान अच्छा लगता है. पीएम के इस आरोप को राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) ने सिरे खारिज कर दिया. पार्टी ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री ने पवार के बयान को गलत तरीके से पेश किया.
बता दें कि पीएम के इस बयान पर शरद पवार ने कहा था कि प्रधानमंत्री ने कहा कि मुझे अपने पड़ोसी देश से प्यार है, मैं इस देश का रक्षा मंत्री रहा हूं. प्रधानमंत्री को मेरी आलोचना करने के पहले मेरे बयान का पता लगाना चाहिए था. पवार ने यह बात पार्टी कार्यकर्ताओं की एक बैठक को संबोधित करते हुए यह बात कही. बैठक में शरद पवार ने कहा कि मैंने कहा था कि पाकिस्तान के राजनीतिक और सैन्य नेता पाकिस्तानी राजनीति में अपना दबदबा बनाए रखने के लिए भारत के खिलाफ झूठे बयान देते रहते हैं. ये शब्द पाकिस्तान के लिए किसी भी तरह प्रेम को जाहिर नहीं करते हैं. उन्होंने कहा कि मैं आगे मोदी की आलोचना नहीं करूंगा क्योंकि मैं प्रधानमंत्री कार्यालय की गरिमा को ठेस नहीं पहुंचाना चाहता.
गौरतलब है कि शरद पवार ने पाकिस्तान की तारफ करते हुए कहा कि मुझे वहां जबरदस्त आदर मिला था. उन्होंने मुंबई में एक सभा को संबोधित करते हुए कहा था कि मै पाकिस्तान गया हूं और मुझे बहुत आदर और सम्मान मिला. पाकिस्तानी ऐसा मानते हैं कि अगर वह भारत में अपने रिश्तेदारों से नहीं मिल सकते तो उन्हें हर भारतीय को ही अपना रिश्तेदार सझना चाहिए. उन्होंने आगे कहा था कि यहां लोग कहते कि पाकिस्तानी के साथ अन्याय हो रहा है और वह खुश नहीं है. जबकि यह सही नहीं है. ऐसे बयान पाकिस्तान की वास्तविक स्थिति को जाने बगैर सिर्फ राजनीतिक फायदे के लिए दिए जा रहे हैं. सत्तारूढ़ दल सिर्फ ऐसी चीजें राजनीतिक फायदा हासिल करने के लिए ही फैला रही है.
बता दें कि यह कोई पहला मौका नहीं है जब शरद पवार ने पाकिस्तान को लेकर बयान दिया है. इससे पहले शरद पवार ने कहा था कि जो लोग बात-बात पर किसी को पाकिस्तान चले जाने की मुफ्त सलाह देने लगते हैं, उन्हें राकांपा प्रमुख शरद पवार ने एक कड़ा संदेश दिया था. एनसीपी प्रमुख शरद पवार ने सख्त लहजे में कहा था कि जो लोग मुस्लिमों से ‘पाकिस्तान जाओ' कहते रहते हैं वे पाकिस्तान और भारत दोनों के बारे में अज्ञान था. बता दें कि पूर्व केन्द्रीय मंत्री वरिष्ठ पत्रकार संजय अवाते द्वारा लिखित पुस्तक ‘वी द चेंज' के विमोचन के मौके पर बोल रहे थे.
शरद पवार ने कहा था कि जब अल्पसंख्यक समुदाय का कोई व्यक्ति अपनी राय जाहिर करता है और अगर वह राय कुछ लोगों को पसंद नहीं आती है तो उस व्यक्ति से पाकिस्तान जाने के लिए कहा जाता है. उससे कहा जाता है कि उसे इस देश में रहने का कोई हक नहीं है.' उन्होंने कहा था कि जो कहते रहते हैं कि ‘पाकिस्तान जाओ', ऐसे लोगों को पाकिस्तान या भारत के बारे में कोई जानकारी नहीं है.
पवार ने कहा था कि महाराष्ट्र सरकार को मराठा समुदाय की आरक्षण की मांग पर फैसला करने के साथ वर्तमान आरक्षण में छेड़छाड़ नहीं करनी चाहिए. उन्होंने कहा, ‘एससी, एसटी और ओबीसी के आरक्षण को नहीं छुआ जाना चाहिए.'उन्होंने कहा कि पाकिस्तान क्या है? विभाजन से पहले यह भारत का हिस्सा था. जो लोग उस वक्त थे, सभी भारतीय थे उस वक्त. मगर विभाजन के दौरान दोनों तरफ के लोग इधर-उधर गये. उन्होंने कहा था कि जब मैं आईसीसी का प्रेसीडेंट था, तब कई बार मुझे पाकिस्तान जाने का मौका मिला. | यह एक सारांश है: पीएम मोदी पर शरद पवार ने साधा निशाना
कहा- पीएम मोदी को कुछ बोलने से पहले सोचना चाहिए
कार्यकर्ताओं को संबोधित कर रहे थे पवार | 2 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा (Priyanka Gandhi) ने एनडीटीवी से खास बातचीत में कहा कि मैंने पहले भी कहा है कि बीजेपी को फायदा पहुंचाने से पहले मैं अपनी जान दे दूंगी. मैं कभी उस विनाशक विचारधारा के साथ समझौता नहीं कर सकती...कभी नहीं...पूरी जिंदगी में नहीं. कांग्रेस ने जो भी उम्मीदवार उतारे हैं वे सभी बीजेपी का वोट काट रहे हैं, और किसी का नहीं. मैं इस बारे में बहुत स्पष्ट हूं. प्रियंका गांधी (Priyanka Gandhi) से जब यह पूछा गया कि मायावती आरोप लगाती रही हैं कि आप बीजेपी को मदद पहुंचा रही हैं, तो उन्होंने कहा कि, 'मैं यह कह रही हूं कि मैं जान दे दूंगी लेकिन मैं उनकी मदद नहीं करूंगी... इससे बढ़कर मैं और क्या कह सकती हूं'.
प्रियंका गांधी (Priyanka Gandhi) ने कहा कि मेरा लक्ष्य 2019 भी है और 2022 भी. उन्होंने कहा कि, यह विचारधाराओं की लड़ाई है. यह इस देश के लिए, इस लोकतंत्र के लिए, लोकतंत्र को बचाने के लिए, लोकतांत्रिक संस्थाओं को बचाने और सुरक्षित रखने की लड़ाई है. इसमें फायदे की बात नहीं है. इसमें देश का फायदा है. हम देश के लिए लड़ रहे हैं. अपनी विचारधारा के लिए लड़ रहे हैं. उस देश के लिए जिससे हम सब प्रेम करते हैं, इसमें सब सम्मान है. दरअसल, कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी (Priyanka Gandhi) ने बुधवार को यूपी में बड़ा बयान दिया था. उन्होंने (Priyanka Gandhi) कहा था कि हर सीट जीतने के लिए नहीं होती है और हारने वाली सीटों पर हमनें वोट काटने वाले कैंडिडेट्स को उतारा है ताकि बीजेपी के वोट काटे जा सकें. प्रियंका गांधी (Priyanka Gandhi) के इस बयान के तमाम मायने निकाले जा रहे थे. | सारांश: प्रियंका गांधी ने की एनडीटीवी से बात
कहा- बीजेपी को कभी फायदा नहीं पहुंचा सकती
देश और लोकतंत्र को बचाना हमारा लक्ष्य | 31 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: यमुना के पानी में अमोनिया का स्तर बढ़ जाने की वजह से जिन इलाकों में मंगलवार को पानी की सप्लाई बंद हुई थी वहां अब पानी आना तो शुरू हो गया है लेकिन दिल्ली जलबोर्ड ने लोगों से अपील की है कि इस पानी को पीने या खाना बनाने के काम में इस्तेमाल ना करें। जलबोर्ड का कहना है कि पानी में अमोनिया की कुछ मात्रा अभी भी हो सकती है जिससे शरीर को नुकसान पहुंच सकता है। दिल्ली के कई इलाक़े में लोगों को पीने के पानी की किल्लत अभी कुछ और दिन झेलनी पड़ेगी। यमुना नदी में अमोनिया की मात्रा बढ़ जाने से दिल्ली के दो वॉटर प्लांट्स को बंद करना पड़ा है। इससे दिल्ली में पानी की किल्लत बढ़ सकती है। चंद्रावल और वजीराबाद प्लांट बंद होने से सवा दो सौ एमजीडी पानी की कमी हो गई है। बताया जा रहा है हरियाणा के औद्योगिक क्षेत्रों से प्रदूषित पानी छोड़ने से यमुना नदी में अमोनिया की मात्रा बढ़ी है। आपको बता दें कि पानी में अमोनिया की मात्रा बढ़ने की वजह से मंगलवार को चंद्रावल और वजीराबाद प्लांट को बंद किया था। हालांकि पानी की सप्लाई शुरू हो गई है। जल बोर्ड ने जिन इलाक़ों के लोगों से यह अपील की है वह इलाके निम्न हैं−उत्तरी दिल्ली में मुखर्जी नगर, तिमारपुर, सिविल लाइंस, राजपुर रोड, मॉरिस नगर, विजय नगर, सब्जी मंडी, घंटाघर बाड़ा, हिन्दूराव, आईएसबीटी, मोरी गेट, तीस हजारी। उत्तर पश्चिमी दिल्ली में अशोक विहार, मॉडल टाउन, पीतम पुरा, शालीमार बाग, आजाद पुर, मंडी आदर्श नगर, जहांगीरपुरी। मध्य दिल्ली में चांदनी चौक, कमला नगर, करोल बाग, पहाड़गंज, मंदिर मार्ग, कनॉट प्लेस। दक्षिणी दिल्ली में जीके वन, मालवीय नगर, कालकाजी, ओखला, लाजपत नगर, पुष्प विहार। | संक्षिप्त सारांश: जलबोर्ड का कहना है कि पानी में अमोनिया की कुछ मात्रा अभी भी हो सकती है जिससे शरीर को नुकसान पहुंच सकता है। | 23 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: ब्रैड हॉज के चार विकेट और 17 गेंद में 33 रन की आक्रामक पारी की बदौलत कोच्चि टस्कर्स केरल ने आईपीएल के मैच में राजस्थान रॉयल्स को आठ विकेट से हरा दिया। राजस्थान की यह लगातार चौथी हार है। हॉज की अगुवाई में कोच्चि के गेंदबाजों ने पहले रॉयल्स को 97 रन पर समेट दिया। इसके बाद जीत का लक्ष्य 7.2 ओवर में सिर्फ दो विकेट खोकर हासिल कर लिया। हॉज 17 गेंद में पांच चौकों और दो छक्कों की मदद से 33 रन बनाकर नाबाद रहे। वहीं पार्थिव पटेल ने 14 गेंद में 21 रन बनाए जिसमें दो चौके और एक छक्का शामिल था। ब्रैंडन मैकुलम ने सिर्फ 12 गेंद में 29 रन बनाए जिसमें एक चौका और चार छक्के लगाए। पिछले मैच में किंग्स इलेवन पंजाब से हारने वाली कोच्चि के इस जीत के बाद 13 मैचों में 12 अंक लेकर तालिका में छठे स्थान पर पहुंच गई है। वहीं शेन वार्न की राजस्थान रॉयल्स 13 मैच में 11 अंक लेकर उससे एक पायदान पीछे है। आसान लक्ष्य मिलने के बावजूद कोच्चि के बल्लेबाजों ने आक्रामक शुरुआत की। शान टैट के पहले ही ओवर में मैकुलम और कप्तान महेला जयवर्धने ने एक छक्का और दो चौके लगाए। चौथी ही गेंद पर मैकुलम हालांकि बाल-बाल बच गए क्योंकि स्टम्प बिखेरने वाली यह गेंद नो-बॉल थी। | यहाँ एक सारांश है:हॉज के चार विकेट और 17 गेंद में 33 रन की आक्रामक पारी की बदौलत कोच्चि टस्कर्स केरल ने राजस्थान रॉयल्स को आठ विकेट से हरा दिया। | 18 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: दक्षिण दिल्ली के हौज खास इलाके में थूकने को लेकर हुए विवाद पर एक सफाईकर्मी ने एक व्यक्ति की चाकू मारकर हत्या कर दी. पुलिस ने आज बताया कि पीड़ित मुर्शीद हौज खास इलाके के गौतम नगर में रहता था.
पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि सफाई कर्मचारी के तौर पर काम करने वाले मुकेश (40) ने कल सुबह करीब 10 बजे मुर्शीद के थूकने पर आपत्ति जताई, जिसके बाद दोनों के बीच काफी बहस हुई और इसी दौरान मुकेश ने उसे चाकू मार दिया.टिप्पणियां
मौके पर मौजूद अन्य लोगों ने आरोपी को पकड़कर उसे पुलिस के हवाले कर दिया. अधिकारी ने बताया कि मुकेश को गिरफ्तार कर लिया गया और हौज खास पुलिस थाने में उसके खिलाफ हत्या का एक मामला दर्ज किया गया है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि सफाई कर्मचारी के तौर पर काम करने वाले मुकेश (40) ने कल सुबह करीब 10 बजे मुर्शीद के थूकने पर आपत्ति जताई, जिसके बाद दोनों के बीच काफी बहस हुई और इसी दौरान मुकेश ने उसे चाकू मार दिया.टिप्पणियां
मौके पर मौजूद अन्य लोगों ने आरोपी को पकड़कर उसे पुलिस के हवाले कर दिया. अधिकारी ने बताया कि मुकेश को गिरफ्तार कर लिया गया और हौज खास पुलिस थाने में उसके खिलाफ हत्या का एक मामला दर्ज किया गया है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
मौके पर मौजूद अन्य लोगों ने आरोपी को पकड़कर उसे पुलिस के हवाले कर दिया. अधिकारी ने बताया कि मुकेश को गिरफ्तार कर लिया गया और हौज खास पुलिस थाने में उसके खिलाफ हत्या का एक मामला दर्ज किया गया है. (हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | पीड़ित मुर्शीद हौज खास इलाके के गौतम नगर में रहता था.
आरोपी सफाईकर्मी ने मुर्शीद के थूकने पर आपत्ति जताई थी.
लोगों ने आरोपी को पकड़कर उसे पुलिस के हवाले कर दिया. | 1 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: उत्तराखंड में बिना मतदाता पहचान पत्र के मतदाता अपना वोट डाल सकेंगे। 30 जनवरी को होने वाले विधानसभा चुनावों में वे ड्राइविंग लाइसेंस और पैन कार्ड जैसे अन्य दस्तावेजों का इस्तेमाल कर सकते हैं।टिप्पणियां
मुख्य निर्वाचन अधिकारी राधा रतूरी ने कहा कि राज्य निर्वाचन आयोग ने वोट डालने के लिये पासपोर्ट, राज्य सरकार, केंद्र सरकार, सार्वजनिक लोक उपक्रम, स्थानीय निकाय या पब्लिक लिमिटेड कंपनियों की ओर से अपने कर्मचारियों को जारी फोटो पहचान पत्र, बैंक या डाकघर के पासबुक या जाति प्रमाण पत्र जैसे 14 मूल दस्तावेजों का उपयोग करने की अनुमति दे दी है।
उन्होंने कहा कि अप्रवासी भारतीय अपने मूल पासपोर्ट के अलावा 14 वैकल्पिक दस्तावेज का इस्तेमाल मतदान के लिये कर सकते हैं। मुख्य निर्वाचन आयुक्त एसवाई कुरैशी ने इस महीने की अंतिम तिथि को अपने दौरे में कहा था कि चुनाव के दिन सिर्फ फोटो आईडी कार्ड का इस्तेमाल किया जाएगा।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी राधा रतूरी ने कहा कि राज्य निर्वाचन आयोग ने वोट डालने के लिये पासपोर्ट, राज्य सरकार, केंद्र सरकार, सार्वजनिक लोक उपक्रम, स्थानीय निकाय या पब्लिक लिमिटेड कंपनियों की ओर से अपने कर्मचारियों को जारी फोटो पहचान पत्र, बैंक या डाकघर के पासबुक या जाति प्रमाण पत्र जैसे 14 मूल दस्तावेजों का उपयोग करने की अनुमति दे दी है।
उन्होंने कहा कि अप्रवासी भारतीय अपने मूल पासपोर्ट के अलावा 14 वैकल्पिक दस्तावेज का इस्तेमाल मतदान के लिये कर सकते हैं। मुख्य निर्वाचन आयुक्त एसवाई कुरैशी ने इस महीने की अंतिम तिथि को अपने दौरे में कहा था कि चुनाव के दिन सिर्फ फोटो आईडी कार्ड का इस्तेमाल किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि अप्रवासी भारतीय अपने मूल पासपोर्ट के अलावा 14 वैकल्पिक दस्तावेज का इस्तेमाल मतदान के लिये कर सकते हैं। मुख्य निर्वाचन आयुक्त एसवाई कुरैशी ने इस महीने की अंतिम तिथि को अपने दौरे में कहा था कि चुनाव के दिन सिर्फ फोटो आईडी कार्ड का इस्तेमाल किया जाएगा। | यहाँ एक सारांश है:उत्तराखंड में बिना मतदाता पहचान पत्र के मतदाता अपना वोट डाल सकेंगे। 30 जनवरी को होने वाले विधानसभा चुनावों में वे ड्राइविंग लाइसेंस और पैन कार्ड जैसे अन्य दस्तावेजों का इस्तेमाल कर सकते हैं। | 18 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: भारतीय कैदी सरबजीत सिंह की हत्या की जांच कर रहे एक पाकिस्तानी न्यायाधीश ने इस मामले में जानकारी रखने वाले भारतीय नागरिकों से सात दिन के भीतर संबंधित दस्तावेजों के साथ लिखित आवेदन देने की अपील की है।
लाहौर हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति सैयद मजहर अली अकबर नकवी कोट लखपत जेल के भीतर कैदियों के हमले के बाद मारे गए सरबजीत सिंह की मौत की जांच कर रहे हैं।टिप्पणियां
न्यायाधीश के पर्सनल स्टाफ ऑफिसर रियाज अहमद ने कहा है कि भारतीय एक सदस्यीय जांच पंचाट के आधिकारिक यूआरएल मेल डॉट पंजाब डॉट जीओवी डॉट पीके पर ईमेल एड्रेस रजिस्ट्रारट्राइबुनल्स एट द रेट ऑफ एलचसी डॉट जीओवी डॉट पीके पर अपना आवेदन भेजे।
अहमद ने कहा कि इस मामले में जरूरी होने पर न्यायाधीश भारत का दौरा कर सकते हैं। पंचाट ने पाकिस्तानी नागरिकों से भी सात दिनों के भीतर उनकी कंप्यूटरीकृत राष्ट्रीय पहचान कार्ड की एक प्रति के साथ ही संबंधित दस्तावेजों के साथ अपना आवेदन देने को कहा है। जांच पूरी होने के लिए कोई अंतिम तारीख निर्धारित नहीं की गई है। 26 अप्रैल को सुनियोजित तरीके से पांच से छह कैदियों ने सरबजीत पर हमला कर दिया था। एक सप्ताह तक बेहोशी के बाद 2 मई को लाहौर के जिन्ना अस्पताल में सिंह की मौत हो गई।
लाहौर हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति सैयद मजहर अली अकबर नकवी कोट लखपत जेल के भीतर कैदियों के हमले के बाद मारे गए सरबजीत सिंह की मौत की जांच कर रहे हैं।टिप्पणियां
न्यायाधीश के पर्सनल स्टाफ ऑफिसर रियाज अहमद ने कहा है कि भारतीय एक सदस्यीय जांच पंचाट के आधिकारिक यूआरएल मेल डॉट पंजाब डॉट जीओवी डॉट पीके पर ईमेल एड्रेस रजिस्ट्रारट्राइबुनल्स एट द रेट ऑफ एलचसी डॉट जीओवी डॉट पीके पर अपना आवेदन भेजे।
अहमद ने कहा कि इस मामले में जरूरी होने पर न्यायाधीश भारत का दौरा कर सकते हैं। पंचाट ने पाकिस्तानी नागरिकों से भी सात दिनों के भीतर उनकी कंप्यूटरीकृत राष्ट्रीय पहचान कार्ड की एक प्रति के साथ ही संबंधित दस्तावेजों के साथ अपना आवेदन देने को कहा है। जांच पूरी होने के लिए कोई अंतिम तारीख निर्धारित नहीं की गई है। 26 अप्रैल को सुनियोजित तरीके से पांच से छह कैदियों ने सरबजीत पर हमला कर दिया था। एक सप्ताह तक बेहोशी के बाद 2 मई को लाहौर के जिन्ना अस्पताल में सिंह की मौत हो गई।
न्यायाधीश के पर्सनल स्टाफ ऑफिसर रियाज अहमद ने कहा है कि भारतीय एक सदस्यीय जांच पंचाट के आधिकारिक यूआरएल मेल डॉट पंजाब डॉट जीओवी डॉट पीके पर ईमेल एड्रेस रजिस्ट्रारट्राइबुनल्स एट द रेट ऑफ एलचसी डॉट जीओवी डॉट पीके पर अपना आवेदन भेजे।
अहमद ने कहा कि इस मामले में जरूरी होने पर न्यायाधीश भारत का दौरा कर सकते हैं। पंचाट ने पाकिस्तानी नागरिकों से भी सात दिनों के भीतर उनकी कंप्यूटरीकृत राष्ट्रीय पहचान कार्ड की एक प्रति के साथ ही संबंधित दस्तावेजों के साथ अपना आवेदन देने को कहा है। जांच पूरी होने के लिए कोई अंतिम तारीख निर्धारित नहीं की गई है। 26 अप्रैल को सुनियोजित तरीके से पांच से छह कैदियों ने सरबजीत पर हमला कर दिया था। एक सप्ताह तक बेहोशी के बाद 2 मई को लाहौर के जिन्ना अस्पताल में सिंह की मौत हो गई।
अहमद ने कहा कि इस मामले में जरूरी होने पर न्यायाधीश भारत का दौरा कर सकते हैं। पंचाट ने पाकिस्तानी नागरिकों से भी सात दिनों के भीतर उनकी कंप्यूटरीकृत राष्ट्रीय पहचान कार्ड की एक प्रति के साथ ही संबंधित दस्तावेजों के साथ अपना आवेदन देने को कहा है। जांच पूरी होने के लिए कोई अंतिम तारीख निर्धारित नहीं की गई है। 26 अप्रैल को सुनियोजित तरीके से पांच से छह कैदियों ने सरबजीत पर हमला कर दिया था। एक सप्ताह तक बेहोशी के बाद 2 मई को लाहौर के जिन्ना अस्पताल में सिंह की मौत हो गई। | संक्षिप्त सारांश: भारतीय कैदी सरबजीत सिंह की हत्या की जांच कर रहे एक पाकिस्तानी न्यायाधीश ने इस मामले में जानकारी रखने वाले भारतीय नागरिकों से सात दिन के भीतर संबंधित दस्तावेजों के साथ लिखित आवेदन देने की अपील की है। | 8 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: कई विपक्षी दलों के बहिष्कार के बाद राज्य सभा में बुधवार को वीवीआईपी हेलीकाप्टर खरीद सौदे की जांच के लिए संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) गठित किए जाने का प्रस्ताव मंजूर कर लिया गया।
आगस्टा वेस्टलैंड से रक्षा मंत्रालय द्वारा हेलीकाप्टर खरीद पर संक्षिप्त चर्चा के बाद संसदीय कार्यमंत्री कमलनाथ ने प्रस्ताव पेश किया।
वर्ष 2010 में 3600 करोड़ रुपये में 12 एडब्ल्यू 101 हेलीकाप्टर खरीदने का करार हुआ था।
प्रस्ताव का विरोध करते हुए राज्य सभा में नेता प्रतिपक्ष अरुण जेटली ने कहा कि जेपीसी एक 'व्यर्थ प्रयास' है और 'ध्यान बंटाने' की सरकारी चाल है।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता ने कहा, "इसलिए मैं इस प्रस्ताव का विरोध करता हूं।"
जेटली ने कहा कि सत्य को सामने लाने के लिए सबसे जरूरी मामला दायर करना और हिरासत में लेकर पूछताछ करना है। उन्होंने कहा, "जेपीसी को इनमें से कोई अधिकार नहीं है।"
जेपीसी के प्रस्ताव का विरोध करने वाली पार्टियों में तेलुगू देशम पार्टी, जनता दल-यूनाइटेड और तृणमूल कांग्रेस भी शामिल थी।
कमलनाथ ने कहा कि जेपीसी केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की जांच की निगरानी करेगी।
उन्होंने कहा, "जेपीसी सीबीआई क्या कर रही है और हो रही जांच की गति पर नजर रखेगी।"
उन्होंने भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन पर जेपीसी से भागने का आरोप लगाया।
कमलनाथ ने कहा, "यह कुछ और नहीं, बल्कि सीधी राजनीति है।" उन्होंने आगे कहा कि सदस्यों को मामले की तह तक जाने का मौका मिलेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2जी स्पेक्ट्रम मामले में जेपीसी की मांग पर पूरे सत्र कामकाज नहीं होने दिया था और अब वही हेलीकाप्टर खरीद मामले में वैसे ही कदम का विरोध कर रही है।
मंत्री ने कहा कि यदि सरकार ने जेपीसी की घोषणा नहीं की तो उसे संसदीय समिति से सहमत नहीं होने का आरोपी बनाया जाएगा।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेता डी राजा ने कहा कि व्यापक राय बनने तक प्रस्ताव टाला जाना चाहिए।टिप्पणियां
उन्होंने सवाल किया कि भाजपा और कई अन्य पार्टियों ने बहिष्कार कर दिया है तो ऐसे में मतदान कराना उचित है?
उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
आगस्टा वेस्टलैंड से रक्षा मंत्रालय द्वारा हेलीकाप्टर खरीद पर संक्षिप्त चर्चा के बाद संसदीय कार्यमंत्री कमलनाथ ने प्रस्ताव पेश किया।
वर्ष 2010 में 3600 करोड़ रुपये में 12 एडब्ल्यू 101 हेलीकाप्टर खरीदने का करार हुआ था।
प्रस्ताव का विरोध करते हुए राज्य सभा में नेता प्रतिपक्ष अरुण जेटली ने कहा कि जेपीसी एक 'व्यर्थ प्रयास' है और 'ध्यान बंटाने' की सरकारी चाल है।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता ने कहा, "इसलिए मैं इस प्रस्ताव का विरोध करता हूं।"
जेटली ने कहा कि सत्य को सामने लाने के लिए सबसे जरूरी मामला दायर करना और हिरासत में लेकर पूछताछ करना है। उन्होंने कहा, "जेपीसी को इनमें से कोई अधिकार नहीं है।"
जेपीसी के प्रस्ताव का विरोध करने वाली पार्टियों में तेलुगू देशम पार्टी, जनता दल-यूनाइटेड और तृणमूल कांग्रेस भी शामिल थी।
कमलनाथ ने कहा कि जेपीसी केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की जांच की निगरानी करेगी।
उन्होंने कहा, "जेपीसी सीबीआई क्या कर रही है और हो रही जांच की गति पर नजर रखेगी।"
उन्होंने भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन पर जेपीसी से भागने का आरोप लगाया।
कमलनाथ ने कहा, "यह कुछ और नहीं, बल्कि सीधी राजनीति है।" उन्होंने आगे कहा कि सदस्यों को मामले की तह तक जाने का मौका मिलेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2जी स्पेक्ट्रम मामले में जेपीसी की मांग पर पूरे सत्र कामकाज नहीं होने दिया था और अब वही हेलीकाप्टर खरीद मामले में वैसे ही कदम का विरोध कर रही है।
मंत्री ने कहा कि यदि सरकार ने जेपीसी की घोषणा नहीं की तो उसे संसदीय समिति से सहमत नहीं होने का आरोपी बनाया जाएगा।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेता डी राजा ने कहा कि व्यापक राय बनने तक प्रस्ताव टाला जाना चाहिए।टिप्पणियां
उन्होंने सवाल किया कि भाजपा और कई अन्य पार्टियों ने बहिष्कार कर दिया है तो ऐसे में मतदान कराना उचित है?
उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
वर्ष 2010 में 3600 करोड़ रुपये में 12 एडब्ल्यू 101 हेलीकाप्टर खरीदने का करार हुआ था।
प्रस्ताव का विरोध करते हुए राज्य सभा में नेता प्रतिपक्ष अरुण जेटली ने कहा कि जेपीसी एक 'व्यर्थ प्रयास' है और 'ध्यान बंटाने' की सरकारी चाल है।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता ने कहा, "इसलिए मैं इस प्रस्ताव का विरोध करता हूं।"
जेटली ने कहा कि सत्य को सामने लाने के लिए सबसे जरूरी मामला दायर करना और हिरासत में लेकर पूछताछ करना है। उन्होंने कहा, "जेपीसी को इनमें से कोई अधिकार नहीं है।"
जेपीसी के प्रस्ताव का विरोध करने वाली पार्टियों में तेलुगू देशम पार्टी, जनता दल-यूनाइटेड और तृणमूल कांग्रेस भी शामिल थी।
कमलनाथ ने कहा कि जेपीसी केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की जांच की निगरानी करेगी।
उन्होंने कहा, "जेपीसी सीबीआई क्या कर रही है और हो रही जांच की गति पर नजर रखेगी।"
उन्होंने भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन पर जेपीसी से भागने का आरोप लगाया।
कमलनाथ ने कहा, "यह कुछ और नहीं, बल्कि सीधी राजनीति है।" उन्होंने आगे कहा कि सदस्यों को मामले की तह तक जाने का मौका मिलेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2जी स्पेक्ट्रम मामले में जेपीसी की मांग पर पूरे सत्र कामकाज नहीं होने दिया था और अब वही हेलीकाप्टर खरीद मामले में वैसे ही कदम का विरोध कर रही है।
मंत्री ने कहा कि यदि सरकार ने जेपीसी की घोषणा नहीं की तो उसे संसदीय समिति से सहमत नहीं होने का आरोपी बनाया जाएगा।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेता डी राजा ने कहा कि व्यापक राय बनने तक प्रस्ताव टाला जाना चाहिए।टिप्पणियां
उन्होंने सवाल किया कि भाजपा और कई अन्य पार्टियों ने बहिष्कार कर दिया है तो ऐसे में मतदान कराना उचित है?
उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
प्रस्ताव का विरोध करते हुए राज्य सभा में नेता प्रतिपक्ष अरुण जेटली ने कहा कि जेपीसी एक 'व्यर्थ प्रयास' है और 'ध्यान बंटाने' की सरकारी चाल है।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता ने कहा, "इसलिए मैं इस प्रस्ताव का विरोध करता हूं।"
जेटली ने कहा कि सत्य को सामने लाने के लिए सबसे जरूरी मामला दायर करना और हिरासत में लेकर पूछताछ करना है। उन्होंने कहा, "जेपीसी को इनमें से कोई अधिकार नहीं है।"
जेपीसी के प्रस्ताव का विरोध करने वाली पार्टियों में तेलुगू देशम पार्टी, जनता दल-यूनाइटेड और तृणमूल कांग्रेस भी शामिल थी।
कमलनाथ ने कहा कि जेपीसी केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की जांच की निगरानी करेगी।
उन्होंने कहा, "जेपीसी सीबीआई क्या कर रही है और हो रही जांच की गति पर नजर रखेगी।"
उन्होंने भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन पर जेपीसी से भागने का आरोप लगाया।
कमलनाथ ने कहा, "यह कुछ और नहीं, बल्कि सीधी राजनीति है।" उन्होंने आगे कहा कि सदस्यों को मामले की तह तक जाने का मौका मिलेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2जी स्पेक्ट्रम मामले में जेपीसी की मांग पर पूरे सत्र कामकाज नहीं होने दिया था और अब वही हेलीकाप्टर खरीद मामले में वैसे ही कदम का विरोध कर रही है।
मंत्री ने कहा कि यदि सरकार ने जेपीसी की घोषणा नहीं की तो उसे संसदीय समिति से सहमत नहीं होने का आरोपी बनाया जाएगा।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेता डी राजा ने कहा कि व्यापक राय बनने तक प्रस्ताव टाला जाना चाहिए।टिप्पणियां
उन्होंने सवाल किया कि भाजपा और कई अन्य पार्टियों ने बहिष्कार कर दिया है तो ऐसे में मतदान कराना उचित है?
उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता ने कहा, "इसलिए मैं इस प्रस्ताव का विरोध करता हूं।"
जेटली ने कहा कि सत्य को सामने लाने के लिए सबसे जरूरी मामला दायर करना और हिरासत में लेकर पूछताछ करना है। उन्होंने कहा, "जेपीसी को इनमें से कोई अधिकार नहीं है।"
जेपीसी के प्रस्ताव का विरोध करने वाली पार्टियों में तेलुगू देशम पार्टी, जनता दल-यूनाइटेड और तृणमूल कांग्रेस भी शामिल थी।
कमलनाथ ने कहा कि जेपीसी केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की जांच की निगरानी करेगी।
उन्होंने कहा, "जेपीसी सीबीआई क्या कर रही है और हो रही जांच की गति पर नजर रखेगी।"
उन्होंने भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन पर जेपीसी से भागने का आरोप लगाया।
कमलनाथ ने कहा, "यह कुछ और नहीं, बल्कि सीधी राजनीति है।" उन्होंने आगे कहा कि सदस्यों को मामले की तह तक जाने का मौका मिलेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2जी स्पेक्ट्रम मामले में जेपीसी की मांग पर पूरे सत्र कामकाज नहीं होने दिया था और अब वही हेलीकाप्टर खरीद मामले में वैसे ही कदम का विरोध कर रही है।
मंत्री ने कहा कि यदि सरकार ने जेपीसी की घोषणा नहीं की तो उसे संसदीय समिति से सहमत नहीं होने का आरोपी बनाया जाएगा।
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उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
जेटली ने कहा कि सत्य को सामने लाने के लिए सबसे जरूरी मामला दायर करना और हिरासत में लेकर पूछताछ करना है। उन्होंने कहा, "जेपीसी को इनमें से कोई अधिकार नहीं है।"
जेपीसी के प्रस्ताव का विरोध करने वाली पार्टियों में तेलुगू देशम पार्टी, जनता दल-यूनाइटेड और तृणमूल कांग्रेस भी शामिल थी।
कमलनाथ ने कहा कि जेपीसी केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की जांच की निगरानी करेगी।
उन्होंने कहा, "जेपीसी सीबीआई क्या कर रही है और हो रही जांच की गति पर नजर रखेगी।"
उन्होंने भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन पर जेपीसी से भागने का आरोप लगाया।
कमलनाथ ने कहा, "यह कुछ और नहीं, बल्कि सीधी राजनीति है।" उन्होंने आगे कहा कि सदस्यों को मामले की तह तक जाने का मौका मिलेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2जी स्पेक्ट्रम मामले में जेपीसी की मांग पर पूरे सत्र कामकाज नहीं होने दिया था और अब वही हेलीकाप्टर खरीद मामले में वैसे ही कदम का विरोध कर रही है।
मंत्री ने कहा कि यदि सरकार ने जेपीसी की घोषणा नहीं की तो उसे संसदीय समिति से सहमत नहीं होने का आरोपी बनाया जाएगा।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेता डी राजा ने कहा कि व्यापक राय बनने तक प्रस्ताव टाला जाना चाहिए।टिप्पणियां
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उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
जेपीसी के प्रस्ताव का विरोध करने वाली पार्टियों में तेलुगू देशम पार्टी, जनता दल-यूनाइटेड और तृणमूल कांग्रेस भी शामिल थी।
कमलनाथ ने कहा कि जेपीसी केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की जांच की निगरानी करेगी।
उन्होंने कहा, "जेपीसी सीबीआई क्या कर रही है और हो रही जांच की गति पर नजर रखेगी।"
उन्होंने भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन पर जेपीसी से भागने का आरोप लगाया।
कमलनाथ ने कहा, "यह कुछ और नहीं, बल्कि सीधी राजनीति है।" उन्होंने आगे कहा कि सदस्यों को मामले की तह तक जाने का मौका मिलेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2जी स्पेक्ट्रम मामले में जेपीसी की मांग पर पूरे सत्र कामकाज नहीं होने दिया था और अब वही हेलीकाप्टर खरीद मामले में वैसे ही कदम का विरोध कर रही है।
मंत्री ने कहा कि यदि सरकार ने जेपीसी की घोषणा नहीं की तो उसे संसदीय समिति से सहमत नहीं होने का आरोपी बनाया जाएगा।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेता डी राजा ने कहा कि व्यापक राय बनने तक प्रस्ताव टाला जाना चाहिए।टिप्पणियां
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कमलनाथ ने कहा कि जेपीसी केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की जांच की निगरानी करेगी।
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उन्होंने भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन पर जेपीसी से भागने का आरोप लगाया।
कमलनाथ ने कहा, "यह कुछ और नहीं, बल्कि सीधी राजनीति है।" उन्होंने आगे कहा कि सदस्यों को मामले की तह तक जाने का मौका मिलेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2जी स्पेक्ट्रम मामले में जेपीसी की मांग पर पूरे सत्र कामकाज नहीं होने दिया था और अब वही हेलीकाप्टर खरीद मामले में वैसे ही कदम का विरोध कर रही है।
मंत्री ने कहा कि यदि सरकार ने जेपीसी की घोषणा नहीं की तो उसे संसदीय समिति से सहमत नहीं होने का आरोपी बनाया जाएगा।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेता डी राजा ने कहा कि व्यापक राय बनने तक प्रस्ताव टाला जाना चाहिए।टिप्पणियां
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उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
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उन्होंने भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन पर जेपीसी से भागने का आरोप लगाया।
कमलनाथ ने कहा, "यह कुछ और नहीं, बल्कि सीधी राजनीति है।" उन्होंने आगे कहा कि सदस्यों को मामले की तह तक जाने का मौका मिलेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2जी स्पेक्ट्रम मामले में जेपीसी की मांग पर पूरे सत्र कामकाज नहीं होने दिया था और अब वही हेलीकाप्टर खरीद मामले में वैसे ही कदम का विरोध कर रही है।
मंत्री ने कहा कि यदि सरकार ने जेपीसी की घोषणा नहीं की तो उसे संसदीय समिति से सहमत नहीं होने का आरोपी बनाया जाएगा।
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उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
उन्होंने भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन पर जेपीसी से भागने का आरोप लगाया।
कमलनाथ ने कहा, "यह कुछ और नहीं, बल्कि सीधी राजनीति है।" उन्होंने आगे कहा कि सदस्यों को मामले की तह तक जाने का मौका मिलेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2जी स्पेक्ट्रम मामले में जेपीसी की मांग पर पूरे सत्र कामकाज नहीं होने दिया था और अब वही हेलीकाप्टर खरीद मामले में वैसे ही कदम का विरोध कर रही है।
मंत्री ने कहा कि यदि सरकार ने जेपीसी की घोषणा नहीं की तो उसे संसदीय समिति से सहमत नहीं होने का आरोपी बनाया जाएगा।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेता डी राजा ने कहा कि व्यापक राय बनने तक प्रस्ताव टाला जाना चाहिए।टिप्पणियां
उन्होंने सवाल किया कि भाजपा और कई अन्य पार्टियों ने बहिष्कार कर दिया है तो ऐसे में मतदान कराना उचित है?
उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
कमलनाथ ने कहा, "यह कुछ और नहीं, बल्कि सीधी राजनीति है।" उन्होंने आगे कहा कि सदस्यों को मामले की तह तक जाने का मौका मिलेगा।
उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2जी स्पेक्ट्रम मामले में जेपीसी की मांग पर पूरे सत्र कामकाज नहीं होने दिया था और अब वही हेलीकाप्टर खरीद मामले में वैसे ही कदम का विरोध कर रही है।
मंत्री ने कहा कि यदि सरकार ने जेपीसी की घोषणा नहीं की तो उसे संसदीय समिति से सहमत नहीं होने का आरोपी बनाया जाएगा।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेता डी राजा ने कहा कि व्यापक राय बनने तक प्रस्ताव टाला जाना चाहिए।टिप्पणियां
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उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
उन्होंने कहा कि विपक्ष ने 2जी स्पेक्ट्रम मामले में जेपीसी की मांग पर पूरे सत्र कामकाज नहीं होने दिया था और अब वही हेलीकाप्टर खरीद मामले में वैसे ही कदम का विरोध कर रही है।
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मंत्री ने कहा कि यदि सरकार ने जेपीसी की घोषणा नहीं की तो उसे संसदीय समिति से सहमत नहीं होने का आरोपी बनाया जाएगा।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेता डी राजा ने कहा कि व्यापक राय बनने तक प्रस्ताव टाला जाना चाहिए।टिप्पणियां
उन्होंने सवाल किया कि भाजपा और कई अन्य पार्टियों ने बहिष्कार कर दिया है तो ऐसे में मतदान कराना उचित है?
उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेता डी राजा ने कहा कि व्यापक राय बनने तक प्रस्ताव टाला जाना चाहिए।टिप्पणियां
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उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
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उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी।
उपसभापति पीजे कुरियन ने हालांकि कहा कि प्रस्ताव पेश हो चुका है और बहुमत से स्वीकृत किया जा चुका है। इसके बाद उन्होंने प्रस्ताव पारित होने की घोषणा कर दी। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: राज्यसभा में बुधवार को रक्षामंत्री एके एंटनी ने वीवीआईपी हेलीकॉप्टर सौदा मामले में बयान दिया। अपने बयान में एंटनी ने कहा कि उनका ट्रैक रिकॉर्ड देखा जाए और उन्होंने स्पष्ट किया कि इस मामले में दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। | 19 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत (Ashok Gehlot) ने सोमवार को राजस्थान विधानसभा में जय श्रीराम का उद्घोष करते हुए भाजपा पर निशाना साधा. विनियोग विधेयक पर हुई बहस के जवाब की शुरुआत में गहलोत (Ashok Gehlot) ने विधानसभा अध्यक्ष सीपी जोशी को उनके जन्मदिन की बधाई दी. फिर उन्होंने राज्य में पिछले कुछ दिनों से हो रही अच्छी बारिश का जिक्र किया. उन्होंने (Ashok Gehlot) कहा कि अच्छा मानसून आया है उसके लिए सबको बधाई. जो चिंता की लकीरें हमारे माथे पर आ रही थीं उनसे छुटकारा मिले उसके लिए सभी बधाई के पात्र हैं. अशोक गहलोत (Ashok Gehlot) ने आगे कहा कि इंद्रदेव की बड़ी कृपा हुई यह कह सकता हूं मैं?
इंद्रदेव की बड़ी कृपा हुई कह सकता हूं मैं? उन पर तो आपका कब्जा नहीं है खाली, जय श्रीराम.सदन में जय श्रीराम की गूंज के बीच गहलोत ने विपक्ष में बैठी भाजपा पर तंज कसते हुए आगे कहा कि अब जय श्रीराम जो हैं उस पर आपने कब्जा कर लिया. क्या हमारे लोग खुश नहीं हुए जब मैं बोला जय श्रीराम? सब खुश होते हैं. पर दुर्भाग्य यह है कि आप कब्जा कर लेते हो. जैसे गांधी जी पर कर रहे हो, सरदार पटेल पर कर रहे हो, आंबेडकर साहब पर कर रहे हो. ये गलत है.
मुख्यमंत्री ने कहा कि जय श्रीराम, श्रीराम का नाम मर्यादा पुरुषोत्तम राम होता है. हम उनके नाम को भी लोगों के बीच इस रूप में ले जाएं कि लोगों में अशांति पैदा हो, गुस्सा पैदा हो.यह अच्छी बात नहीं है. दुर्भाग्य है कि जिस प्रकार से मैंने कहा जय श्रीराम.सब खुश हो गए चाहे पक्ष हो या विपक्ष या प्रदेशवासी हो. कोई अल्लाह हू अकबर बोल जाए और कोई एतराज करे या कहे कि आपको जबरदस्ती बोलना पड़ेगा तो वह गलत है. मन से कोई बोले तो अच्छी बात है. लेकिन जय श्रीराम को लेकर भी अगर हम इस प्रकार से माहौल बनाएंगे तो यह देश कहां जाएगा? | अशोक गहलोत ने बीजेपी पर साधा निशाना
कहा- आपने तो जय श्री राम को कब्जे में ले लिया है
विधानसभा में बोल रहे थे अशोक गहलोत | 6 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: हाल ही में परमाणु परीक्षण करने वाले उत्तरी कोरिया को 'डराने' तथा दक्षिण कोरिया को तसल्ली देने के लिए एक खास शक्ति-प्रदर्शन के तहत अमेरिका ने मंगलवार को परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम सुपरसॉनिक बमवर्षक विमान सहयोगी दक्षिण कोरिया के आकाश में उड़ाए.
अमेरिकी और दक्षिण कोरियाई जेट विमानों द्वारा एस्कॉर्ट किए गए बी-1 बमवर्षक विमानों को उत्तरी कोरिया की सीमा से लगभग 120 किलोमीटर दूर स्थित ओसान एयरबेस के ऊपर से उड़ते हुए एसोसिएटेड प्रेस के फोटोग्राफर ने देखा. इन विमानों के दक्षिण कोरिया में उतरे बिना गुआम स्थित अपने बेस पर लौट जाने की संभावना है.टिप्पणियां
कोरियाई प्रायद्वीप पर दशकों से जारी दुश्मनी के माहौल में इस तरह की उड़ानें कतई सामान्य बात है. दरअसल, 1950-53 के बीच हुए कोरियाई युद्ध के बाद कोई भी शांति संधि नहीं हुई होने के चलते दोनों देश तकनीकी रूप से अब भी युद्ध की स्थिति में ही हैं.
दक्षिण कोरिया के पास नाभिकीय हथियार नहीं हैं, और उत्तरी कोरिया से बचाव के लिए अमेरिका के 'नाभिकीय संरक्षण' पर निर्भर करता है. इसके अलावा अमेरिका के 28,000 से ज़्यादा सैनिक भी दक्षिण कोरिया में तैनात हैं.
उत्तरी कोरिया प्रायद्वीप में अमेरिका की इस मौजूदगी से भलीभांति परिचित है, और इसे अमेरिका की ओर से परमाणु हमले का खतरा बताता है. उत्तरी कोरिया प्रचार करता है कि इस तरह की उड़ानें तथा अमेरिकी फौज का दक्षिण कोरिया में प्रभाव इस बात का सबूत है कि अमेरिका उसके प्रति दुश्मनी का भाव रखता है, और इसी वजह से अपने लिए परमाणु कार्यक्रम को ज़रूरी बताता है.
अमेरिकी और दक्षिण कोरियाई जेट विमानों द्वारा एस्कॉर्ट किए गए बी-1 बमवर्षक विमानों को उत्तरी कोरिया की सीमा से लगभग 120 किलोमीटर दूर स्थित ओसान एयरबेस के ऊपर से उड़ते हुए एसोसिएटेड प्रेस के फोटोग्राफर ने देखा. इन विमानों के दक्षिण कोरिया में उतरे बिना गुआम स्थित अपने बेस पर लौट जाने की संभावना है.टिप्पणियां
कोरियाई प्रायद्वीप पर दशकों से जारी दुश्मनी के माहौल में इस तरह की उड़ानें कतई सामान्य बात है. दरअसल, 1950-53 के बीच हुए कोरियाई युद्ध के बाद कोई भी शांति संधि नहीं हुई होने के चलते दोनों देश तकनीकी रूप से अब भी युद्ध की स्थिति में ही हैं.
दक्षिण कोरिया के पास नाभिकीय हथियार नहीं हैं, और उत्तरी कोरिया से बचाव के लिए अमेरिका के 'नाभिकीय संरक्षण' पर निर्भर करता है. इसके अलावा अमेरिका के 28,000 से ज़्यादा सैनिक भी दक्षिण कोरिया में तैनात हैं.
उत्तरी कोरिया प्रायद्वीप में अमेरिका की इस मौजूदगी से भलीभांति परिचित है, और इसे अमेरिका की ओर से परमाणु हमले का खतरा बताता है. उत्तरी कोरिया प्रचार करता है कि इस तरह की उड़ानें तथा अमेरिकी फौज का दक्षिण कोरिया में प्रभाव इस बात का सबूत है कि अमेरिका उसके प्रति दुश्मनी का भाव रखता है, और इसी वजह से अपने लिए परमाणु कार्यक्रम को ज़रूरी बताता है.
कोरियाई प्रायद्वीप पर दशकों से जारी दुश्मनी के माहौल में इस तरह की उड़ानें कतई सामान्य बात है. दरअसल, 1950-53 के बीच हुए कोरियाई युद्ध के बाद कोई भी शांति संधि नहीं हुई होने के चलते दोनों देश तकनीकी रूप से अब भी युद्ध की स्थिति में ही हैं.
दक्षिण कोरिया के पास नाभिकीय हथियार नहीं हैं, और उत्तरी कोरिया से बचाव के लिए अमेरिका के 'नाभिकीय संरक्षण' पर निर्भर करता है. इसके अलावा अमेरिका के 28,000 से ज़्यादा सैनिक भी दक्षिण कोरिया में तैनात हैं.
उत्तरी कोरिया प्रायद्वीप में अमेरिका की इस मौजूदगी से भलीभांति परिचित है, और इसे अमेरिका की ओर से परमाणु हमले का खतरा बताता है. उत्तरी कोरिया प्रचार करता है कि इस तरह की उड़ानें तथा अमेरिकी फौज का दक्षिण कोरिया में प्रभाव इस बात का सबूत है कि अमेरिका उसके प्रति दुश्मनी का भाव रखता है, और इसी वजह से अपने लिए परमाणु कार्यक्रम को ज़रूरी बताता है.
उत्तरी कोरिया प्रायद्वीप में अमेरिका की इस मौजूदगी से भलीभांति परिचित है, और इसे अमेरिका की ओर से परमाणु हमले का खतरा बताता है. उत्तरी कोरिया प्रचार करता है कि इस तरह की उड़ानें तथा अमेरिकी फौज का दक्षिण कोरिया में प्रभाव इस बात का सबूत है कि अमेरिका उसके प्रति दुश्मनी का भाव रखता है, और इसी वजह से अपने लिए परमाणु कार्यक्रम को ज़रूरी बताता है. | संक्षिप्त पाठ: ओसान एयरबेस के ऊपर उड़ते दिखाई दिए अमेरिकी बी-1 बमवर्षक विमान
कोरियाई प्रायद्वीप पर दुश्मनी के माहौल में ऐसी उड़ानें सामान्य बात है
दक्षिण कोरिया के पास परमाणु हथियार नहीं हैं, और वह अमेरिका पर निर्भर है | 14 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: ऑस्ट्रेलियन ओपन टूर्नामेंट में शनिवार सुबह भारत को मिश्रित परिणाम मिले हैं। पुरुष युगल वर्ग के मुकाबलों में जहां भारत के महेश भूपति और उनके कनाडाई जोड़ीदार डेनियल नेस्टर ने तीसरे दौर में प्रवेश कर लिया, वहीं रोहन बोपन्ना और उनके अमेरिकी जोड़ीदार राजीव राम की जोड़ी को आश्चर्यजनक रूप से हार का सामना करना पड़ा।
भूपति और नेस्टर ने रोमानिया के विक्टर हेनेस्कू और स्लोवाक मार्टिन क्लिजान की जोड़ी को 6-1, 7-6 से हरा दिया, लेकिन बोपन्ना और राम की जोड़ी, गैर वरीयता प्राप्त इटली के सिमोन बोलेली और फेबिया फेगनिनी की जोड़ी से 6-2, 7-6 से हार गई।
भूपति और नेस्टर की जोड़ी को अब बोलेली और फेगनिनी के साथ खेलना है।
पहला सेट आसानी से जीतने के बाद भूपति और नेस्टर को दूसरा सेट जीतने के लिए काफी मेहनत करनी पड़ी। इस मैच में रोमानिया की जोड़ी ने पहले सेट की तुलना में कहीं बेहतर खेल का प्रदर्शन किया। टिप्पणियां
यहां खेले गए पहले मैच में विश्व रैंकिंग में 12वीं वरीयता प्राप्त बोपन्ना और राम की जोड़ी मैच की शुरुआत में अच्छा खेल नहीं दिखा सकी और पहले सेट में इतावली जोड़ी के सामने संघर्ष करती नजर आई। पहला सेट महज 25 मिनट चला।
इसके बाद दूसरे सेट में बोपन्ना और उनके अमेरिकी जोड़ीदार ने कड़ी टक्कर दी, लेकिन पहला सेट जीतकर आत्मविश्वास से भरी नजर आ रही इतावली जोड़ी ने हर प्रहार का जोरदार जवाब देते हुए दूसरा सेट भी अपने नाम कर लिया।
भूपति और नेस्टर ने रोमानिया के विक्टर हेनेस्कू और स्लोवाक मार्टिन क्लिजान की जोड़ी को 6-1, 7-6 से हरा दिया, लेकिन बोपन्ना और राम की जोड़ी, गैर वरीयता प्राप्त इटली के सिमोन बोलेली और फेबिया फेगनिनी की जोड़ी से 6-2, 7-6 से हार गई।
भूपति और नेस्टर की जोड़ी को अब बोलेली और फेगनिनी के साथ खेलना है।
पहला सेट आसानी से जीतने के बाद भूपति और नेस्टर को दूसरा सेट जीतने के लिए काफी मेहनत करनी पड़ी। इस मैच में रोमानिया की जोड़ी ने पहले सेट की तुलना में कहीं बेहतर खेल का प्रदर्शन किया। टिप्पणियां
यहां खेले गए पहले मैच में विश्व रैंकिंग में 12वीं वरीयता प्राप्त बोपन्ना और राम की जोड़ी मैच की शुरुआत में अच्छा खेल नहीं दिखा सकी और पहले सेट में इतावली जोड़ी के सामने संघर्ष करती नजर आई। पहला सेट महज 25 मिनट चला।
इसके बाद दूसरे सेट में बोपन्ना और उनके अमेरिकी जोड़ीदार ने कड़ी टक्कर दी, लेकिन पहला सेट जीतकर आत्मविश्वास से भरी नजर आ रही इतावली जोड़ी ने हर प्रहार का जोरदार जवाब देते हुए दूसरा सेट भी अपने नाम कर लिया।
भूपति और नेस्टर की जोड़ी को अब बोलेली और फेगनिनी के साथ खेलना है।
पहला सेट आसानी से जीतने के बाद भूपति और नेस्टर को दूसरा सेट जीतने के लिए काफी मेहनत करनी पड़ी। इस मैच में रोमानिया की जोड़ी ने पहले सेट की तुलना में कहीं बेहतर खेल का प्रदर्शन किया। टिप्पणियां
यहां खेले गए पहले मैच में विश्व रैंकिंग में 12वीं वरीयता प्राप्त बोपन्ना और राम की जोड़ी मैच की शुरुआत में अच्छा खेल नहीं दिखा सकी और पहले सेट में इतावली जोड़ी के सामने संघर्ष करती नजर आई। पहला सेट महज 25 मिनट चला।
इसके बाद दूसरे सेट में बोपन्ना और उनके अमेरिकी जोड़ीदार ने कड़ी टक्कर दी, लेकिन पहला सेट जीतकर आत्मविश्वास से भरी नजर आ रही इतावली जोड़ी ने हर प्रहार का जोरदार जवाब देते हुए दूसरा सेट भी अपने नाम कर लिया।
पहला सेट आसानी से जीतने के बाद भूपति और नेस्टर को दूसरा सेट जीतने के लिए काफी मेहनत करनी पड़ी। इस मैच में रोमानिया की जोड़ी ने पहले सेट की तुलना में कहीं बेहतर खेल का प्रदर्शन किया। टिप्पणियां
यहां खेले गए पहले मैच में विश्व रैंकिंग में 12वीं वरीयता प्राप्त बोपन्ना और राम की जोड़ी मैच की शुरुआत में अच्छा खेल नहीं दिखा सकी और पहले सेट में इतावली जोड़ी के सामने संघर्ष करती नजर आई। पहला सेट महज 25 मिनट चला।
इसके बाद दूसरे सेट में बोपन्ना और उनके अमेरिकी जोड़ीदार ने कड़ी टक्कर दी, लेकिन पहला सेट जीतकर आत्मविश्वास से भरी नजर आ रही इतावली जोड़ी ने हर प्रहार का जोरदार जवाब देते हुए दूसरा सेट भी अपने नाम कर लिया।
यहां खेले गए पहले मैच में विश्व रैंकिंग में 12वीं वरीयता प्राप्त बोपन्ना और राम की जोड़ी मैच की शुरुआत में अच्छा खेल नहीं दिखा सकी और पहले सेट में इतावली जोड़ी के सामने संघर्ष करती नजर आई। पहला सेट महज 25 मिनट चला।
इसके बाद दूसरे सेट में बोपन्ना और उनके अमेरिकी जोड़ीदार ने कड़ी टक्कर दी, लेकिन पहला सेट जीतकर आत्मविश्वास से भरी नजर आ रही इतावली जोड़ी ने हर प्रहार का जोरदार जवाब देते हुए दूसरा सेट भी अपने नाम कर लिया।
इसके बाद दूसरे सेट में बोपन्ना और उनके अमेरिकी जोड़ीदार ने कड़ी टक्कर दी, लेकिन पहला सेट जीतकर आत्मविश्वास से भरी नजर आ रही इतावली जोड़ी ने हर प्रहार का जोरदार जवाब देते हुए दूसरा सेट भी अपने नाम कर लिया। | संक्षिप्त पाठ: पुरुष युगल वर्ग के मुकाबलों में जहां भारत के महेश भूपति और उनके कनाडाई जोड़ीदार डेनियल नेस्टर ने तीसरे दौर में प्रवेश कर लिया, वहीं रोहन बोपन्ना और उनके अमेरिकी जोड़ीदार राजीव राम की जोड़ी को आश्चर्यजनक रूप से हार का सामना करना पड़ा। | 14 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने मुजफ्फरनगर दंगे के 20 और मामलों को वापस लेने की अनुमति दी है. इसके साथ मुजफ्फरनगर दंगे मामले में कुल वापस लिए गए मामलों की संख्या 74 हो गई. सरकार द्वारा जिन मामलों को वापस लेने की अनुमति दी गई है, वे पुलिस व जनता की तरफ से दर्ज किए गए हैं. ये सभी मामले आगजनी, चोरी व दंगे से जुड़े हैं और फुगना पुलिस थाने में दर्ज किए गए थे. इसमें से कुछ मामले भौराकलां, जनसठ, न्यू मंडी व कोतवाली पुलिस थानों में दर्ज किए गए थे.
योगी सरकार बीते साल से मुजफ्फरनगर दंगे के मामलों को वापस लेने की प्रक्रिया में है. लोकसभा चुनाव से पहले 8 मार्च तक सात आदेशों में 48 मामलों को वापस लेने की अनुमति दी गई. अदालत में पांच मामलों को निपटाया गया, जबकि एक मामले में पुलिस ने अंतिम रिपोर्ट दाखिल की है. लोकसभा चुनावों के बाद तीन आदेश जारी किए गए, इसमें दंगों के 20 मामलों को वापस लेने की अनुमति दी गई.
भारतीय जनता पार्टी विधायक उमेश मलिक ने कहा कि सरकार ने 20 और मामलों को वापस लिए जाने की अनुमति दी है. उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन को इस संदर्भ में आदेश प्राप्त हो गया है. योगी सरकार ने 92 दंगा मामलों में से अब तक 74 मामलों को वापस लेने की अनुमति दी है। 18 मामलों को वापस लेने की प्रक्रिया अभी भी चल रही है। दंगों के बाद पुलिस ने 500 से ज्यादा लोगों पर मामला दर्ज किया था. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: मुजफ्फरनगर दंगे के 20 और मामले वापस
योगी सरकार ने अनुमति दी
कुल वापस लिए गए मामलों की संख्या 74 हो गई | 32 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: हर तीसरा भारतीय किसी न किसी प्रकार के थॉयरायड से पीड़ित है जिसके कारण वजन बढ़ना, हॉर्मोन असंतुलन होता है और यह महिलाओं में अधिक देखा जाता है.
एक सर्वेक्षण के मुताबिक उत्तर भारत में हाइपोथॉयरायड के मामले अधिक देखे जाते हैं. इस स्थिति में थॉयरायड ग्रंथि अधिक हॉर्मोन नहीं बना पाती है ताकि शरीर को सुचारू रूप से संचालित किया जा सके. इसमें कहा गया है कि दक्षिण और पश्चिम क्षेत्र में भी हाइपोथॉयराइड और इसके अलग-अलग प्रकार नजर आते हैं.टिप्पणियां
पूरे भारत में 2014-2016 के दौरान 33 लाख वयस्कों से जुटाए गए आंकड़े के विश्लेषण के आधार पर यह निष्कर्ष निकाला गया है और इसमें पाया गया कि भारतीय आबादी का करीब 32 फीसदी हिस्सा विभिन्न प्रकार के थॉयरायड की समस्या से ग्रस्त है. (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
एक सर्वेक्षण के मुताबिक उत्तर भारत में हाइपोथॉयरायड के मामले अधिक देखे जाते हैं. इस स्थिति में थॉयरायड ग्रंथि अधिक हॉर्मोन नहीं बना पाती है ताकि शरीर को सुचारू रूप से संचालित किया जा सके. इसमें कहा गया है कि दक्षिण और पश्चिम क्षेत्र में भी हाइपोथॉयराइड और इसके अलग-अलग प्रकार नजर आते हैं.टिप्पणियां
पूरे भारत में 2014-2016 के दौरान 33 लाख वयस्कों से जुटाए गए आंकड़े के विश्लेषण के आधार पर यह निष्कर्ष निकाला गया है और इसमें पाया गया कि भारतीय आबादी का करीब 32 फीसदी हिस्सा विभिन्न प्रकार के थॉयरायड की समस्या से ग्रस्त है. (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
पूरे भारत में 2014-2016 के दौरान 33 लाख वयस्कों से जुटाए गए आंकड़े के विश्लेषण के आधार पर यह निष्कर्ष निकाला गया है और इसमें पाया गया कि भारतीय आबादी का करीब 32 फीसदी हिस्सा विभिन्न प्रकार के थॉयरायड की समस्या से ग्रस्त है. (इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: हर तीसरा भारतीय किसी न किसी प्रकार के थॉयरायड से पीड़ित है
थॉयरायड से वजन बढ़ना या हॉर्मोन असंतुलन होता है
थॉयरायड की समस्या महिलाओं में अधिक देखी गई है | 32 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: जेम्स बॉन्ड सीरीज़ की प्रसिद्ध फिल्म 'कसीनो रॉयाल' में निभाई भूमिका से चर्चा में आई हॉलीवुड अभिनेत्री ईवा ग्रीन अब नई फिल्म 'सिन सिटी : ए डेम टू किल फॉर' में मुख्य भूमिका निभाने जा रही हैं।
वेबसाइट कॉन्टेक्टम्यूज़िक.काम के अनुसार ईवा ग्रीन इस फिल्म में एवा लॉर्ड की भूमिका निभाएंगी। यह फिल्म वर्ष 2005 में आई फिल्म 'सिन सिटी' की अगली कड़ी होगी।टिप्पणियां
फिल्म के निर्देशक रॉबर्ट रॉडरीगुएज़ और फ्रैंक मिलर ने एक बयान में कहा, "एवा लॉर्ड 'सिन सिटी' का सबसे घातक और आकर्षक किरदार है। हमें शुरू से पता था कि फिल्म की नायिका का घातक और बहुमुखी होना जरूरी है, और ईवा ग्रीन में हमें वह बात नजर आई।"
फ्रैंक मिलर द्वारा ही लिखी गई कॉमिक्स 'ए डेम टू किल फॉर' पर आधारित इस फिल्म में ईवा ग्रीन के अलावा ब्रूस विलिस, जेसिका अल्बा, मिकी राउरके और रोज़रियो डॉसन भी प्रमुख भूमिकाओं में नज़र आएंगे।
वेबसाइट कॉन्टेक्टम्यूज़िक.काम के अनुसार ईवा ग्रीन इस फिल्म में एवा लॉर्ड की भूमिका निभाएंगी। यह फिल्म वर्ष 2005 में आई फिल्म 'सिन सिटी' की अगली कड़ी होगी।टिप्पणियां
फिल्म के निर्देशक रॉबर्ट रॉडरीगुएज़ और फ्रैंक मिलर ने एक बयान में कहा, "एवा लॉर्ड 'सिन सिटी' का सबसे घातक और आकर्षक किरदार है। हमें शुरू से पता था कि फिल्म की नायिका का घातक और बहुमुखी होना जरूरी है, और ईवा ग्रीन में हमें वह बात नजर आई।"
फ्रैंक मिलर द्वारा ही लिखी गई कॉमिक्स 'ए डेम टू किल फॉर' पर आधारित इस फिल्म में ईवा ग्रीन के अलावा ब्रूस विलिस, जेसिका अल्बा, मिकी राउरके और रोज़रियो डॉसन भी प्रमुख भूमिकाओं में नज़र आएंगे।
फिल्म के निर्देशक रॉबर्ट रॉडरीगुएज़ और फ्रैंक मिलर ने एक बयान में कहा, "एवा लॉर्ड 'सिन सिटी' का सबसे घातक और आकर्षक किरदार है। हमें शुरू से पता था कि फिल्म की नायिका का घातक और बहुमुखी होना जरूरी है, और ईवा ग्रीन में हमें वह बात नजर आई।"
फ्रैंक मिलर द्वारा ही लिखी गई कॉमिक्स 'ए डेम टू किल फॉर' पर आधारित इस फिल्म में ईवा ग्रीन के अलावा ब्रूस विलिस, जेसिका अल्बा, मिकी राउरके और रोज़रियो डॉसन भी प्रमुख भूमिकाओं में नज़र आएंगे।
फ्रैंक मिलर द्वारा ही लिखी गई कॉमिक्स 'ए डेम टू किल फॉर' पर आधारित इस फिल्म में ईवा ग्रीन के अलावा ब्रूस विलिस, जेसिका अल्बा, मिकी राउरके और रोज़रियो डॉसन भी प्रमुख भूमिकाओं में नज़र आएंगे। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: फिल्म के निर्देशक-द्वय रॉबर्ट रॉडरीगुएज़ और फ्रैंक मिलर ने कहा, "ईवा का किरदार फिल्म में सबसे घातक और आकर्षक है, और हमें फिल्म की नायिका के रूप में ईवा ग्रीन में वही बात नजर आई।" | 11 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: हैदराबाद में हुए बम विस्फोटों से क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया चिंतित जरूर है, लेकिन उसने शुक्रवार को कहा कि भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच वहां दूसरा टेस्ट निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार होगा।
चेन्नई में पहले टेस्ट के लिए आए क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के सीईओ जेम्स सदरलैंड ने कहा, हम समय पर आकलन करेंगे, लेकिन अभी इस पर शक करने का कोई कारण नहीं है कि हैदराबाद टेस्ट निर्धारित कार्यक्रम के अनुरूप होगा। हैदराबाद में दूसरा टेस्ट 2 मार्च से होना है। गुरुवार को वहां हुए दो बम विस्फोटों में अब तक 15 लोग मारे जा चुके हैं।टिप्पणियां
सदरलैंड ने कहा, यह खबर सुनकर हम काफी चिंतित हैं। हम अगले कुछ दिन में जरूरी आकलन करेंगे, लेकिन यहां फोकस फिलहाल क्रिकेट पर है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा को लेकर आशंका जताना फिलहाल जल्दबाजी होगी, क्योंकि ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटरों को मुहैया कराई गई सुरक्षा से वह संतुष्ट हैं।
उन्होंने कहा, हम संबंधित अधिकारियों से सलाह ले रहे हैं। हैदराबाद में टेस्ट रद्द की संभावना पर सोचना फिलहाल जल्दबाजी होगी। फिलहाल तो मुझे उम्मीद है कि दूसरा टेस्ट हैदराबाद में निर्धारित कार्यक्रम के अनुरूप होगा। सदरलैंड ने कहा, मैं सुरक्षा इंतजामों से संतुष्ट हूं। सब कुछ योजना के अनुरूप चल रहा है। हम दौरे से पहले अपनी टीम भेजकर आकलन करते हैं और सब कुछ ठीक है।
चेन्नई में पहले टेस्ट के लिए आए क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के सीईओ जेम्स सदरलैंड ने कहा, हम समय पर आकलन करेंगे, लेकिन अभी इस पर शक करने का कोई कारण नहीं है कि हैदराबाद टेस्ट निर्धारित कार्यक्रम के अनुरूप होगा। हैदराबाद में दूसरा टेस्ट 2 मार्च से होना है। गुरुवार को वहां हुए दो बम विस्फोटों में अब तक 15 लोग मारे जा चुके हैं।टिप्पणियां
सदरलैंड ने कहा, यह खबर सुनकर हम काफी चिंतित हैं। हम अगले कुछ दिन में जरूरी आकलन करेंगे, लेकिन यहां फोकस फिलहाल क्रिकेट पर है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा को लेकर आशंका जताना फिलहाल जल्दबाजी होगी, क्योंकि ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटरों को मुहैया कराई गई सुरक्षा से वह संतुष्ट हैं।
उन्होंने कहा, हम संबंधित अधिकारियों से सलाह ले रहे हैं। हैदराबाद में टेस्ट रद्द की संभावना पर सोचना फिलहाल जल्दबाजी होगी। फिलहाल तो मुझे उम्मीद है कि दूसरा टेस्ट हैदराबाद में निर्धारित कार्यक्रम के अनुरूप होगा। सदरलैंड ने कहा, मैं सुरक्षा इंतजामों से संतुष्ट हूं। सब कुछ योजना के अनुरूप चल रहा है। हम दौरे से पहले अपनी टीम भेजकर आकलन करते हैं और सब कुछ ठीक है।
सदरलैंड ने कहा, यह खबर सुनकर हम काफी चिंतित हैं। हम अगले कुछ दिन में जरूरी आकलन करेंगे, लेकिन यहां फोकस फिलहाल क्रिकेट पर है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा को लेकर आशंका जताना फिलहाल जल्दबाजी होगी, क्योंकि ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटरों को मुहैया कराई गई सुरक्षा से वह संतुष्ट हैं।
उन्होंने कहा, हम संबंधित अधिकारियों से सलाह ले रहे हैं। हैदराबाद में टेस्ट रद्द की संभावना पर सोचना फिलहाल जल्दबाजी होगी। फिलहाल तो मुझे उम्मीद है कि दूसरा टेस्ट हैदराबाद में निर्धारित कार्यक्रम के अनुरूप होगा। सदरलैंड ने कहा, मैं सुरक्षा इंतजामों से संतुष्ट हूं। सब कुछ योजना के अनुरूप चल रहा है। हम दौरे से पहले अपनी टीम भेजकर आकलन करते हैं और सब कुछ ठीक है।
उन्होंने कहा, हम संबंधित अधिकारियों से सलाह ले रहे हैं। हैदराबाद में टेस्ट रद्द की संभावना पर सोचना फिलहाल जल्दबाजी होगी। फिलहाल तो मुझे उम्मीद है कि दूसरा टेस्ट हैदराबाद में निर्धारित कार्यक्रम के अनुरूप होगा। सदरलैंड ने कहा, मैं सुरक्षा इंतजामों से संतुष्ट हूं। सब कुछ योजना के अनुरूप चल रहा है। हम दौरे से पहले अपनी टीम भेजकर आकलन करते हैं और सब कुछ ठीक है। | संक्षिप्त पाठ: हैदराबाद में हुए बम विस्फोटों से क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया चिंतित जरूर है, लेकिन उसने शुक्रवार को कहा कि भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच वहां दूसरा टेस्ट निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार होगा। | 13 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: मुंबई में शुक्रवार को रात में मध्य रेल की पटरी काटे जाने का मामला सामने आया है. तथ्यों को देखते हुए यह हादसा न होकर साजिश होने का संदेह जताया जा रहा है. टिप्पणियां
बताया जाता है कि मध्यरेल के दादर और माटुंगा स्टेशनों के बीच रेलवे की पटरी का 6 इंच का हिस्सा कटा हुआ पाया गया. यह हिस्सा दो पटरियों के सीधे जोड़ पर काटा गया.
सूत्र बता रहे हैं कि सबसे पहले एक मोटरमैन के ध्यान में यह बात आई. इससे एक बड़ा हादसा टल गया. हालांकि शुक्रवार को इस वजह से घर जाने वाले मुसाफिरों को काफी परेशानी हुई.
इस मामले पर रेलवे के अधिकारी फिलहाल चुप्पी साधे हुए हैं. वे अब तक बताते रहे कि ट्रैक क्रैक हो गया है. लेकिन तस्वीर से यह दावा स्वीकार नहीं हो पा रहा है. याद हो कि कुछ महीने पहले माहीम रेलवे स्टेशन से बैटरी चोरी हो गई थी जिससे पश्चिम रेल की सेवाएं लडखड़ा गई थीं.
बताया जाता है कि मध्यरेल के दादर और माटुंगा स्टेशनों के बीच रेलवे की पटरी का 6 इंच का हिस्सा कटा हुआ पाया गया. यह हिस्सा दो पटरियों के सीधे जोड़ पर काटा गया.
सूत्र बता रहे हैं कि सबसे पहले एक मोटरमैन के ध्यान में यह बात आई. इससे एक बड़ा हादसा टल गया. हालांकि शुक्रवार को इस वजह से घर जाने वाले मुसाफिरों को काफी परेशानी हुई.
इस मामले पर रेलवे के अधिकारी फिलहाल चुप्पी साधे हुए हैं. वे अब तक बताते रहे कि ट्रैक क्रैक हो गया है. लेकिन तस्वीर से यह दावा स्वीकार नहीं हो पा रहा है. याद हो कि कुछ महीने पहले माहीम रेलवे स्टेशन से बैटरी चोरी हो गई थी जिससे पश्चिम रेल की सेवाएं लडखड़ा गई थीं.
सूत्र बता रहे हैं कि सबसे पहले एक मोटरमैन के ध्यान में यह बात आई. इससे एक बड़ा हादसा टल गया. हालांकि शुक्रवार को इस वजह से घर जाने वाले मुसाफिरों को काफी परेशानी हुई.
इस मामले पर रेलवे के अधिकारी फिलहाल चुप्पी साधे हुए हैं. वे अब तक बताते रहे कि ट्रैक क्रैक हो गया है. लेकिन तस्वीर से यह दावा स्वीकार नहीं हो पा रहा है. याद हो कि कुछ महीने पहले माहीम रेलवे स्टेशन से बैटरी चोरी हो गई थी जिससे पश्चिम रेल की सेवाएं लडखड़ा गई थीं. | यहाँ एक सारांश है:मध्य रेल की लोकल सेवा लड़खड़ाई
पटरी का 6 इंच का हिस्सा कटा हुआ मिला
मोटरमैन की सजगता से हादसा बचा | 15 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: कंपनी मामलों के मंत्री वीरप्पा मोइली ने कहा है कि सरकार बहुब्रांड खुदरा क्षेत्र को प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) के लिए खोलने को प्रतिबद्ध है। इसके साथ ही सरकार को पेंशन विधेयक भी जल्द पारित होने की उम्मीद है।
मोइली ने शुक्रवार को भारतीय कंपनी मामलों के संस्थान (आईआईसीए) तथा यस बैंक द्वारा कारपोरेट सामाजिक दायित्व (सीएसआर) पर एक सम्मेलन के उद्घाटन के बाद संवाददाताओं से कहा, ‘‘हम खुदरा क्षेत्र में एफडीआई को लेकर प्रतिबद्ध हैं।’’टिप्पणियां
पेंशन विधेयक पर जारी गतिरोध को लेकर मोइली ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी इस विधेयक के खिलाफ नहीं हैं, बल्कि उनको इस विधेयक के कुछ मुद्दों को लेकर आपत्ति है, जिन्हें सुलझाया जाना है। ममता के विरोध की वजह से ही कल मंत्रिमंडल ने इस विधेयक पर विचार नहीं किया और इसे आगे के लिये टाल दिया।
मंत्रिमंडल को पेंशन कोष नियामक एवं विकास प्राधिकरण विधेयक, 2011 पर विचार करना था। इसमें पेंशन क्षेत्र में निजी और विदेशी निवेश को अनुमति दिये जाने का प्रावधान है। मंत्रिमंडल ने विधेयक पर विचार टाल दिया। एक सवाल के जवाब में मोइली ने कहा कि सरकार जल्द ही कंपनियों की सामाजिक दायित्व पर दिशानिर्देश जारी करेगी। उन्होंने कहा कि कापरेरेट कार्य मंत्रालय इसके लिये एक संस्थागत प्रणाली स्थापित करने में लगा है। इसके लिये कार्पोरेट सामाजिक दायित्व के लिये राष्ट्रीय न्यास की स्थापना की जा रही है।
मोइली ने शुक्रवार को भारतीय कंपनी मामलों के संस्थान (आईआईसीए) तथा यस बैंक द्वारा कारपोरेट सामाजिक दायित्व (सीएसआर) पर एक सम्मेलन के उद्घाटन के बाद संवाददाताओं से कहा, ‘‘हम खुदरा क्षेत्र में एफडीआई को लेकर प्रतिबद्ध हैं।’’टिप्पणियां
पेंशन विधेयक पर जारी गतिरोध को लेकर मोइली ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी इस विधेयक के खिलाफ नहीं हैं, बल्कि उनको इस विधेयक के कुछ मुद्दों को लेकर आपत्ति है, जिन्हें सुलझाया जाना है। ममता के विरोध की वजह से ही कल मंत्रिमंडल ने इस विधेयक पर विचार नहीं किया और इसे आगे के लिये टाल दिया।
मंत्रिमंडल को पेंशन कोष नियामक एवं विकास प्राधिकरण विधेयक, 2011 पर विचार करना था। इसमें पेंशन क्षेत्र में निजी और विदेशी निवेश को अनुमति दिये जाने का प्रावधान है। मंत्रिमंडल ने विधेयक पर विचार टाल दिया। एक सवाल के जवाब में मोइली ने कहा कि सरकार जल्द ही कंपनियों की सामाजिक दायित्व पर दिशानिर्देश जारी करेगी। उन्होंने कहा कि कापरेरेट कार्य मंत्रालय इसके लिये एक संस्थागत प्रणाली स्थापित करने में लगा है। इसके लिये कार्पोरेट सामाजिक दायित्व के लिये राष्ट्रीय न्यास की स्थापना की जा रही है।
पेंशन विधेयक पर जारी गतिरोध को लेकर मोइली ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी इस विधेयक के खिलाफ नहीं हैं, बल्कि उनको इस विधेयक के कुछ मुद्दों को लेकर आपत्ति है, जिन्हें सुलझाया जाना है। ममता के विरोध की वजह से ही कल मंत्रिमंडल ने इस विधेयक पर विचार नहीं किया और इसे आगे के लिये टाल दिया।
मंत्रिमंडल को पेंशन कोष नियामक एवं विकास प्राधिकरण विधेयक, 2011 पर विचार करना था। इसमें पेंशन क्षेत्र में निजी और विदेशी निवेश को अनुमति दिये जाने का प्रावधान है। मंत्रिमंडल ने विधेयक पर विचार टाल दिया। एक सवाल के जवाब में मोइली ने कहा कि सरकार जल्द ही कंपनियों की सामाजिक दायित्व पर दिशानिर्देश जारी करेगी। उन्होंने कहा कि कापरेरेट कार्य मंत्रालय इसके लिये एक संस्थागत प्रणाली स्थापित करने में लगा है। इसके लिये कार्पोरेट सामाजिक दायित्व के लिये राष्ट्रीय न्यास की स्थापना की जा रही है।
मंत्रिमंडल को पेंशन कोष नियामक एवं विकास प्राधिकरण विधेयक, 2011 पर विचार करना था। इसमें पेंशन क्षेत्र में निजी और विदेशी निवेश को अनुमति दिये जाने का प्रावधान है। मंत्रिमंडल ने विधेयक पर विचार टाल दिया। एक सवाल के जवाब में मोइली ने कहा कि सरकार जल्द ही कंपनियों की सामाजिक दायित्व पर दिशानिर्देश जारी करेगी। उन्होंने कहा कि कापरेरेट कार्य मंत्रालय इसके लिये एक संस्थागत प्रणाली स्थापित करने में लगा है। इसके लिये कार्पोरेट सामाजिक दायित्व के लिये राष्ट्रीय न्यास की स्थापना की जा रही है। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: कंपनी मामलों के मंत्री वीरप्पा मोइली ने कहा है कि सरकार बहुब्रांड खुदरा क्षेत्र को एफडीआई के लिए खोलने को प्रतिबद्ध है। इसके साथ ही सरकार को पेंशन विधेयक भी जल्द पारित होने की उम्मीद है। | 19 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: राष्ट्रपति चुनाव में एनडीए समर्थित उम्मीदवार रामनाथ कोविंद को समर्थन देने को लेकर महागठबंधन में उपजा विवाद अभी पूरी तरह शांत भी नहीं हो पाया था कि एक और अहम मुद्दे पर नीतीश कुमार और लालू यादव एकराय नहीं है. यह अहम मसला है जीएसटी लॉन्च समारोह का. शुक्रवार को आधी रात को जीएसटी समारोह में लालू यादव की पार्टी राष्ट्रीय जनता दल भाग नहीं लेगी लेकिन नीतीश की पार्टी इस समारोह का हिस्सा बनेगी. ऐसे में दोनों पार्टियों के बीच एक बार फिर से जुबानी जंग देखने को मिल सकती है. टिप्पणियां
नीतीश कुमार के कार्यालय की ओर से कहा गया है कि वह जीएसटी का समर्थन करेंगे. इतनी ही नहीं, यूपीए शासनकाल में भी जेडीयू जीएसटी के पक्ष में थी. गौरतलब है कि कई विपक्षी पार्टियों ने शुक्रवार रात संसद में आयोजित होने वाले जीएसटी समारोह का बहिष्कार कर दिया है. इस समारोह में पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को आमंत्रित किया गया था लेकिन कांग्रेस के समारोह में शामिल न होने से वे भी इसमें हिस्सा नहीं लेंगे. कांग्रेस का कहना है कि व्यापारी अभी इस बड़े कर सुधार के लिए पूरी तरह से तैयार नहीं है और इसलिए सरकार को इसका क्रियान्वयन फिलहाल टाल देना चाहिए. कांग्रेस का यह भी कहना है कि जीएसटी समारोह संसद की गरिमा के खिलाफ है.
विपक्षी पार्टियों से उलट सराकार के कदम का समर्थन करके नीतीश कुमार ने एक बार फिर अपनी गठबंधन पार्टियों से हटकर निर्णय लिया है. इससे पहले उन्होंने राष्ट्रपति चुनाव के लिए बीजेपी समर्थित उम्मीदवार रामनाथ कोविंद का समर्थन करके आरजेडी और कांग्रेस को असहज कर दिया था. इस मामले का सबसे रोचक पहलू यह था कि नीतीश कुमार ने ही राष्ट्रपति चुनाव के लिए विपक्ष का उम्मीदवार खड़ा करने की वकालत की थी. इस सिलसिले में उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष श्रीमती सोनिया गांधी से मुलाकात भी की थी. 17 विपक्षी पार्टियां एकजुट हो गई थीं लेकिन इससे पहले वे अपने संयुक्त उम्मीदवार की घोषणा करते, नीतीश ने पाला बदलकर सबको हैरान कर दिया. नीतीश कुमार द्वारा रामनाथ कोविंद का समर्थन करने की घोषणा करने के बाद बिहार महागठबंधन में शामिल आरजेडी और कांग्रेस ने उनके इस कदम को ऐतिहासिक भूल करार दिया था. इसके जवाब में नीतीश कुमार ने कहा था कि बीजेपी ने पर्याप्त समर्थन जुटा लिया है.
गौरतलब यह भी 2013 में जेडीयू सुप्रीमो नीतीश कुमार ने बीजेपी से अपने 13 साल पुराने गठबंधन को तोड़कर लालू से नाता जोड़ लिया था. जेडीयू ने पीएम मोदी को प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार बनाए जाने की मुखालफत करते हुए गठबंधन तोड़ा था. हालांकि, पिछले छह माह के दौरान उन्होंने कई मौकों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के फैसलों की तारीफ की है. जानकारों का कहना है कि नीतीश 2019 के लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए बीजेपी से नजदीकियां बढ़ा रहे हैं क्योंकि वे जानते हैं कि प्रधानमंत्री मोदी को हराना बहुत ही मुश्किल होगा.
नीतीश कुमार के कार्यालय की ओर से कहा गया है कि वह जीएसटी का समर्थन करेंगे. इतनी ही नहीं, यूपीए शासनकाल में भी जेडीयू जीएसटी के पक्ष में थी. गौरतलब है कि कई विपक्षी पार्टियों ने शुक्रवार रात संसद में आयोजित होने वाले जीएसटी समारोह का बहिष्कार कर दिया है. इस समारोह में पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को आमंत्रित किया गया था लेकिन कांग्रेस के समारोह में शामिल न होने से वे भी इसमें हिस्सा नहीं लेंगे. कांग्रेस का कहना है कि व्यापारी अभी इस बड़े कर सुधार के लिए पूरी तरह से तैयार नहीं है और इसलिए सरकार को इसका क्रियान्वयन फिलहाल टाल देना चाहिए. कांग्रेस का यह भी कहना है कि जीएसटी समारोह संसद की गरिमा के खिलाफ है.
विपक्षी पार्टियों से उलट सराकार के कदम का समर्थन करके नीतीश कुमार ने एक बार फिर अपनी गठबंधन पार्टियों से हटकर निर्णय लिया है. इससे पहले उन्होंने राष्ट्रपति चुनाव के लिए बीजेपी समर्थित उम्मीदवार रामनाथ कोविंद का समर्थन करके आरजेडी और कांग्रेस को असहज कर दिया था. इस मामले का सबसे रोचक पहलू यह था कि नीतीश कुमार ने ही राष्ट्रपति चुनाव के लिए विपक्ष का उम्मीदवार खड़ा करने की वकालत की थी. इस सिलसिले में उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष श्रीमती सोनिया गांधी से मुलाकात भी की थी. 17 विपक्षी पार्टियां एकजुट हो गई थीं लेकिन इससे पहले वे अपने संयुक्त उम्मीदवार की घोषणा करते, नीतीश ने पाला बदलकर सबको हैरान कर दिया. नीतीश कुमार द्वारा रामनाथ कोविंद का समर्थन करने की घोषणा करने के बाद बिहार महागठबंधन में शामिल आरजेडी और कांग्रेस ने उनके इस कदम को ऐतिहासिक भूल करार दिया था. इसके जवाब में नीतीश कुमार ने कहा था कि बीजेपी ने पर्याप्त समर्थन जुटा लिया है.
गौरतलब यह भी 2013 में जेडीयू सुप्रीमो नीतीश कुमार ने बीजेपी से अपने 13 साल पुराने गठबंधन को तोड़कर लालू से नाता जोड़ लिया था. जेडीयू ने पीएम मोदी को प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार बनाए जाने की मुखालफत करते हुए गठबंधन तोड़ा था. हालांकि, पिछले छह माह के दौरान उन्होंने कई मौकों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के फैसलों की तारीफ की है. जानकारों का कहना है कि नीतीश 2019 के लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए बीजेपी से नजदीकियां बढ़ा रहे हैं क्योंकि वे जानते हैं कि प्रधानमंत्री मोदी को हराना बहुत ही मुश्किल होगा.
गौरतलब यह भी 2013 में जेडीयू सुप्रीमो नीतीश कुमार ने बीजेपी से अपने 13 साल पुराने गठबंधन को तोड़कर लालू से नाता जोड़ लिया था. जेडीयू ने पीएम मोदी को प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार बनाए जाने की मुखालफत करते हुए गठबंधन तोड़ा था. हालांकि, पिछले छह माह के दौरान उन्होंने कई मौकों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के फैसलों की तारीफ की है. जानकारों का कहना है कि नीतीश 2019 के लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए बीजेपी से नजदीकियां बढ़ा रहे हैं क्योंकि वे जानते हैं कि प्रधानमंत्री मोदी को हराना बहुत ही मुश्किल होगा. | संक्षिप्त सारांश: महागठबंधन में उपजा विवाद अभी पूरी तरह शांत भी नहीं हो पाया
जीएसटी समारोह में लालू यादव की पार्टी राष्ट्रीय जनता दल भाग नहीं लेगी
जीएसटी लॉन्च समारोह में शामिल होगी जनता दल यूनाइटेड | 29 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: जम्मू-कश्मीर को लद्दाख से अलग करके गुरुवार को नया केन्द्र शासित प्रदेश बनाया जा रहा है. ऐसे में जम्मू कश्मीर कैडर के IAS, IPS और अन्य केन्द्रीय सेवाओं के अधिकारी दो केन्द्र शासित क्षेत्रों (यूटी) में सेवाएं देना जारी रखेंगे. वहीं इन सेवाओं में नई भर्तियों को एजीएमयूटी कैडर दिया जाएगा. जम्मू कश्मीर पुनर्गठन अधिनियम 2019 के अनुसार जब तक दो नए केन्द्र शासित क्षेत्र जम्मू कश्मीर और लद्दाख के लिए उप राज्यपालों द्वारा नए आदेश जारी नहीं होते, तब तक प्रांतीय सेवाओं के अधिकारी अपने वर्तमान पद पर सेवाएं देते रहेंगे. इसके अनुसार जम्मू कश्मीर की विधायिका पुडुचेरी की भांति रहेगी. वहीं लद्दाख का प्रारूप बिना विधायिका वाले चंडीगढ़ की तरह होगा.
बता दें, व्यय सचिव गिरीश चंद्र मुर्मू को जम्मू कश्मीर और पूर्व रक्षा सचिव राधाकृष्ण माथुर को लद्दाख का नया उप राज्यपाल नियुक्त किया गया है. अरुणाचल, गोवा, मिजोरम केन्द्र शासित क्षेत्र को आम तौर पर एजीएमयूटी कहा जाता है. अधिनियम के अनुसार भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS), भारतीय पुलिस सेवा (IPS) और भारतीय वन सेवा (IFOS) के कैडर मौजूदा जम्मू और कश्मीर राज्य के लिए, पर और नियुक्ति तिथि (31 अक्टूबर) तक मौजूदा कैडरों पर कार्य करना जारी रखेंगे.
अधिनियम में कहा गया है कि दो नए केन्द्र शासित प्रदेशों के गठन और अधिसूचित होने के बाद उपराज्यपाल अधिकारियों की शक्ति, संरचना और आवंटन पर निर्णय लेंगे. अधिनियम में कहा गया है कि राज्य सरकार के कर्मचारी जम्मू कश्मीर और लद्दाख किसी भी केन्द्र शासित क्षेत्र में सेवा देने का विकल्प चुन सकते हैं और उनके स्थानांतरण पर निर्णय उप राज्यपाल लेंगे. इसके साथ ही केन्द्र सरकार के पास वह शक्ति होगी कि वह इस प्रावधान के तहत जारी किसी भी आदेश की समीक्षा कर सकती है. | संक्षिप्त सारांश: गुरुवार को नया केन्द्र शासित प्रदेश बनाया जा रहा है कश्मीर को
इन सेवाओं में नई भर्तियों को एजीएमयूटी कैडर दिया जाएगा
जम्मू कश्मीर की विधायिका पुडुचेरी की भांति रहेगी | 10 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पति से लड़ाई होने के बाद वह जमीन से 150 फिट ऊपर एक पलते से पिलर पर बैठी थी, हाथ में एक सुसाइड नोट लिए. कुछ लोग उसके पास वाली बिल्डिंग से उसे देख रहे थे और आवाजें लगा रहे थे, कुछ कैमरे में इस पूरे वाकए को कैद करने की कोशिश में... फिर अचानक कोई फरिश्ते की पतली-पतली दीवारों पर चलते हुए अपनी जान पर खेलकर चुपचाप पीछे से आया और उसे कूद कर अपनी जान देने से रोक लिया... कुछ इस तरह चीन में एक फायरफाइटर ने अपनी जान पर खेलकर एक महिला की लाइफ को बचाया...
ये पूरा वाकया कैमरे में कैद हो गया. कुछ इंच की दूरी से बनाया गया यह वीडियो अपने अंतिम पलों में सांस अटका देता है. फायरफाइटर महिला को बचाने के लिए इतने दबे पांव उन पतले-पतले पिलरों पर चलता है कि सुसाइड करने बैठी उस महिला का उसके आने की भनक भी नहीं लगती. महिला को जैसे ही आभास होता है तो उसके कुछ कर पाने से पहले ही फायरमैन फुर्ती से उसे कस कर पकड़ लेता है. ना जीने का मन बना चुकी वह महिला पंद्रह माला ऊपर उस पिलर पर खुद को छुड़ाने की बहुत कोशिश करती है, लेकिन अब तक फायरमैन की मदद करने और उसे खींच कर ऊपर तक लाने में के लिए पांच और आदमी आ चुके होते हैं. कुछ देर की खींचतान के बाद महिला को सुरक्षित बालकनी में खींच लिया जाता है...
देखें वीडियो- टिप्पणियां
दांतों तले उंगली ला देने वाली यह घटना शुक्रवार की है. इस ऑपरेशन को शुरू करने से पहले जमीन पर एयर मेट्रेस बिछा दिए गए थे.
ये पूरा वाकया कैमरे में कैद हो गया. कुछ इंच की दूरी से बनाया गया यह वीडियो अपने अंतिम पलों में सांस अटका देता है. फायरफाइटर महिला को बचाने के लिए इतने दबे पांव उन पतले-पतले पिलरों पर चलता है कि सुसाइड करने बैठी उस महिला का उसके आने की भनक भी नहीं लगती. महिला को जैसे ही आभास होता है तो उसके कुछ कर पाने से पहले ही फायरमैन फुर्ती से उसे कस कर पकड़ लेता है. ना जीने का मन बना चुकी वह महिला पंद्रह माला ऊपर उस पिलर पर खुद को छुड़ाने की बहुत कोशिश करती है, लेकिन अब तक फायरमैन की मदद करने और उसे खींच कर ऊपर तक लाने में के लिए पांच और आदमी आ चुके होते हैं. कुछ देर की खींचतान के बाद महिला को सुरक्षित बालकनी में खींच लिया जाता है...
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दांतों तले उंगली ला देने वाली यह घटना शुक्रवार की है. इस ऑपरेशन को शुरू करने से पहले जमीन पर एयर मेट्रेस बिछा दिए गए थे.
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दांतों तले उंगली ला देने वाली यह घटना शुक्रवार की है. इस ऑपरेशन को शुरू करने से पहले जमीन पर एयर मेट्रेस बिछा दिए गए थे.
दांतों तले उंगली ला देने वाली यह घटना शुक्रवार की है. इस ऑपरेशन को शुरू करने से पहले जमीन पर एयर मेट्रेस बिछा दिए गए थे.
दांतों तले उंगली ला देने वाली यह घटना शुक्रवार की है. इस ऑपरेशन को शुरू करने से पहले जमीन पर एयर मेट्रेस बिछा दिए गए थे. | संक्षिप्त पाठ: फायरफाइटर ने अपनी जान पर खेलकर एक महिला की लाइफ को बचाया.
कुछ इंच की दूरी से बनाया गया यह वीडियो.
दांतों तले उंगली ला देने वाली यह घटना शुक्रवार की है. | 14 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: योग गुरु बाबा रामदेव ने शुक्रवार को घोषणा की कि काले धन और सरकार में भ्रष्टाचार के खिलाफ रविवार को देशव्यापी प्रदर्शन किया जाएगा।
यहां एक संवाददाता सम्मेलन में उन्होंने कहा, "प्रदर्शन राजधानी के जंतर मंतर, सभी राज्यों की राजधानियों और देशभर के 650 जिलों में एक साथ किया जाएगा।"
बाबा रामदेव एक दिन का अनशन करेंगे, जिसमें भ्रष्टाचार के विरोध में आंदोलन चलाने वाले अन्ना हजारे अपने सहयोगियों अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसौदिया और किरण बेदी साथ शामिल होंगे।
योग गुरु ने कहा कि दिल्ली में प्रदर्शन सुबह छह बजे से शुरू होगा।टिप्पणियां
बाबा रामदेव राजघाट पर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि देने के बाद जंतर मंतर पहुंचेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन में हजारों लोगों के शामिल होने की सम्भावना है।
बाबा रामदेव ने कहा कि सरकार को विदेशी बैंकों में छिपाए गए काले धन को वापस लाना चाहिए। उन्होंने कहा, "हमारा प्रदर्शन काले धन और सरकार में भ्रष्टाचार के खिलाफ तथा मजबूत लोकपाल के लिए है। तीन जून को शुरू हो रहा हमारा प्रदर्शन चार चरणों में चलेगा। हम उसी दिन आगे की रणनीति भी तय करेंगे।"
यहां एक संवाददाता सम्मेलन में उन्होंने कहा, "प्रदर्शन राजधानी के जंतर मंतर, सभी राज्यों की राजधानियों और देशभर के 650 जिलों में एक साथ किया जाएगा।"
बाबा रामदेव एक दिन का अनशन करेंगे, जिसमें भ्रष्टाचार के विरोध में आंदोलन चलाने वाले अन्ना हजारे अपने सहयोगियों अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसौदिया और किरण बेदी साथ शामिल होंगे।
योग गुरु ने कहा कि दिल्ली में प्रदर्शन सुबह छह बजे से शुरू होगा।टिप्पणियां
बाबा रामदेव राजघाट पर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि देने के बाद जंतर मंतर पहुंचेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन में हजारों लोगों के शामिल होने की सम्भावना है।
बाबा रामदेव ने कहा कि सरकार को विदेशी बैंकों में छिपाए गए काले धन को वापस लाना चाहिए। उन्होंने कहा, "हमारा प्रदर्शन काले धन और सरकार में भ्रष्टाचार के खिलाफ तथा मजबूत लोकपाल के लिए है। तीन जून को शुरू हो रहा हमारा प्रदर्शन चार चरणों में चलेगा। हम उसी दिन आगे की रणनीति भी तय करेंगे।"
बाबा रामदेव एक दिन का अनशन करेंगे, जिसमें भ्रष्टाचार के विरोध में आंदोलन चलाने वाले अन्ना हजारे अपने सहयोगियों अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसौदिया और किरण बेदी साथ शामिल होंगे।
योग गुरु ने कहा कि दिल्ली में प्रदर्शन सुबह छह बजे से शुरू होगा।टिप्पणियां
बाबा रामदेव राजघाट पर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि देने के बाद जंतर मंतर पहुंचेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन में हजारों लोगों के शामिल होने की सम्भावना है।
बाबा रामदेव ने कहा कि सरकार को विदेशी बैंकों में छिपाए गए काले धन को वापस लाना चाहिए। उन्होंने कहा, "हमारा प्रदर्शन काले धन और सरकार में भ्रष्टाचार के खिलाफ तथा मजबूत लोकपाल के लिए है। तीन जून को शुरू हो रहा हमारा प्रदर्शन चार चरणों में चलेगा। हम उसी दिन आगे की रणनीति भी तय करेंगे।"
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बाबा रामदेव राजघाट पर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि देने के बाद जंतर मंतर पहुंचेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन में हजारों लोगों के शामिल होने की सम्भावना है।
बाबा रामदेव ने कहा कि सरकार को विदेशी बैंकों में छिपाए गए काले धन को वापस लाना चाहिए। उन्होंने कहा, "हमारा प्रदर्शन काले धन और सरकार में भ्रष्टाचार के खिलाफ तथा मजबूत लोकपाल के लिए है। तीन जून को शुरू हो रहा हमारा प्रदर्शन चार चरणों में चलेगा। हम उसी दिन आगे की रणनीति भी तय करेंगे।"
बाबा रामदेव राजघाट पर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि देने के बाद जंतर मंतर पहुंचेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन में हजारों लोगों के शामिल होने की सम्भावना है।
बाबा रामदेव ने कहा कि सरकार को विदेशी बैंकों में छिपाए गए काले धन को वापस लाना चाहिए। उन्होंने कहा, "हमारा प्रदर्शन काले धन और सरकार में भ्रष्टाचार के खिलाफ तथा मजबूत लोकपाल के लिए है। तीन जून को शुरू हो रहा हमारा प्रदर्शन चार चरणों में चलेगा। हम उसी दिन आगे की रणनीति भी तय करेंगे।"
बाबा रामदेव ने कहा कि सरकार को विदेशी बैंकों में छिपाए गए काले धन को वापस लाना चाहिए। उन्होंने कहा, "हमारा प्रदर्शन काले धन और सरकार में भ्रष्टाचार के खिलाफ तथा मजबूत लोकपाल के लिए है। तीन जून को शुरू हो रहा हमारा प्रदर्शन चार चरणों में चलेगा। हम उसी दिन आगे की रणनीति भी तय करेंगे।" | संक्षिप्त सारांश: योग गुरु बाबा रामदेव ने शुक्रवार को घोषणा की कि काले धन और सरकार में भ्रष्टाचार के खिलाफ रविवार को देशव्यापी प्रदर्शन किया जाएगा। | 10 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: चैंपियंस ट्रॉफी के सेमीफाइनल में सबसे आश्चर्यजनक एंट्री मशरफे मुर्तजा की बांग्लादेशी टीम की रही है. बांग्लादेश ने इस महत्वपूर्ण टूर्नामेंट के अंतिम चार में जगह बनाकर हर किसी को हैरान किया है. टीम को सेमीफाइनल में गत विजेता भारतीय टीम से 15 जून को मुकाबला करना है. यह निश्चित है कि टीम इंडिया इस मैच में बांग्लादेश को हल्के में लेने की भूल नहीं करेगी. बांग्लादेश ने जिस तरह से अपने आखिरी मैच में न्यूजीलैंड को हराया है, उस लिहाज से उसे भारत क्या, कोई भी टीम कमजोर मानने की गलती नहीं करेगी. टूर्नामेंट में 'छुपा रुस्तम' मानी जा रही बांग्लादेशी टीम के कप्तान मशरफे मुर्तजा ने कहा है कि चैंपियंस ट्रॉफी का अनुभव टीम को वर्ल्डकप-2019 की तैयारी के लिए मदद करेगा. अगला वर्ल्डकप भी इंग्लैंड में खेला जाएगा.
बांग्लादेश के अखबार-डेली स्टार ने मुर्तजा के हवाले से लिखा है, "टीम के युवा खिलाड़ियों के लिए यह दौरा सीखने वाला रहा है. इस तरह की परिस्थितियां उनके लिए नई हैं. मैं चाहता हूं कि वह इसका लुत्फ उठाएं और जितना हो सकें सीखें ताकि दो साल बाद जब वह यहां वर्ल्डकप के लिए आएं तो परिस्थितियों से वाकिफ हों और अच्छा प्रदर्शन कर सकें." न्यूजीलैंड के ऊपर जीत के बारे में मुर्तजा ने कहा, "जब हम यहां आए थे तब हमने इसके बारे में नहीं सोचा था.' उन्होंने कहा, "यह बात हमारे दिमाग में तब आई जब हमने न्यूजीलैंड के खिलाफ जीत हासिल की. हां, अब हम उस पड़ाव पर हैं जो हमारे लिए बहुत बड़ा है. लेकिन हम किसी तरह के अतिरिक्त दबाव में नहीं हैं. हम आराम करने के बाद सेमीफाइनल में जाना चाहते हैं. हम अभ्यास में भी कुछ अतिरिक्त नहीं करना चाहते."
बांग्लादेश के अखबार-डेली स्टार ने मुर्तजा के हवाले से लिखा है, "टीम के युवा खिलाड़ियों के लिए यह दौरा सीखने वाला रहा है. इस तरह की परिस्थितियां उनके लिए नई हैं. मैं चाहता हूं कि वह इसका लुत्फ उठाएं और जितना हो सकें सीखें ताकि दो साल बाद जब वह यहां वर्ल्डकप के लिए आएं तो परिस्थितियों से वाकिफ हों और अच्छा प्रदर्शन कर सकें." न्यूजीलैंड के ऊपर जीत के बारे में मुर्तजा ने कहा, "जब हम यहां आए थे तब हमने इसके बारे में नहीं सोचा था.' उन्होंने कहा, "यह बात हमारे दिमाग में तब आई जब हमने न्यूजीलैंड के खिलाफ जीत हासिल की. हां, अब हम उस पड़ाव पर हैं जो हमारे लिए बहुत बड़ा है. लेकिन हम किसी तरह के अतिरिक्त दबाव में नहीं हैं. हम आराम करने के बाद सेमीफाइनल में जाना चाहते हैं. हम अभ्यास में भी कुछ अतिरिक्त नहीं करना चाहते." | संक्षिप्त सारांश: बांग्लादेशी टीम ने न्यूजीलैंड के खिलाफ हासिल की बेहतरीन जीत
मुर्तजा बोले, यह अनुभव वर्ल्डकप की तैयारी में मददगार रहेगा
सेमीफाइनल मैच को लेकर हम अतिरिक्त दबाव में नहीं हैं | 29 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: कर्नाटक के पूर्व लोकायुक्त जस्टिस हेगड़े ने कहा है कि वह टीम अन्ना के पीएम पर बयान से सहमत नहीं हैं। इसके अलावा एसएम कृष्णा पर टीम अन्ना के आज के आरोपों से भी सहमत नहीं हैं। टीम अन्ना ने सोमवार को एक बयान में पीएम को 'शिखंडी' कह डाला था।
इससे पहले टीम अन्ना ने मंगलवार को एक प्रेसवार्ता कर विदेशमंत्री एसएम कृष्णा पर नए आरोप लगाए थे। टीम अन्ना का कहना है कि उन्होंने कर्नाटक का मुख्यमंत्री रहते हुए जंगल की जमीन निजी कंपनियों को खनन के लिए दी। टीम अन्ना के मुताबिक कृष्णा के जानबूझकर अफसरों के विरोध के बावजूद जंगल की ज़मीन कंपनियों को दी और इसके लिए बोली भी नहीं लगाई गई। केजरीवाल ने कहा कि कृष्णा ने उन्हें कोई नोटिस नहीं बल्कि चिट्ठी भेजी है जिसमें ये कहा गया है कि उनके खिलाफ चल रहे मामले में सुप्रीम कोर्ट से स्टे मिल गया है।
इससे पहले टीम अन्ना ने मंगलवार को एक प्रेसवार्ता कर विदेशमंत्री एसएम कृष्णा पर नए आरोप लगाए थे। टीम अन्ना का कहना है कि उन्होंने कर्नाटक का मुख्यमंत्री रहते हुए जंगल की जमीन निजी कंपनियों को खनन के लिए दी। टीम अन्ना के मुताबिक कृष्णा के जानबूझकर अफसरों के विरोध के बावजूद जंगल की ज़मीन कंपनियों को दी और इसके लिए बोली भी नहीं लगाई गई। केजरीवाल ने कहा कि कृष्णा ने उन्हें कोई नोटिस नहीं बल्कि चिट्ठी भेजी है जिसमें ये कहा गया है कि उनके खिलाफ चल रहे मामले में सुप्रीम कोर्ट से स्टे मिल गया है। | यह एक सारांश है: कर्नाटक के पूर्व लोकायुक्त जस्टिस हेगड़े ने कहा है कि वह टीम अन्ना के पीएम पर बयान से सहमत नहीं हैं। इसके अलावा एसएम कृष्णा पर टीम अन्ना के आज के आरोपों से भी सहमत नहीं हैं। | 24 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाएं: कोल आवंटन मामले में फंसे महाराष्ट्र के शिक्षामंत्री राजेन्द्र दर्डा जल्द ही इस्तीफा देंगे। सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस ने उन पर कार्रवाई करने का फैसला किया है।टिप्पणियां
गौरतलब है कि राजेंद्र के खिलाफ कोल ब्लॉक आवंटन घोटाले में सीबीआई ने एफआईआर दर्ज की है। राजेंद्र दर्डा कांग्रेसी सांसद विजय दर्डा के भाई हैं और विजय के खिलाफ भी इस मामले में एफआईआर दर्ज की गई है।
सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस एफआईआर दर्ज होने के बाद राजेंद्र दर्डा के खिलाफ कार्रवाई करने के मूड में है। इधर, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण से जब राजेंद्र दर्डा के इस्तीफे के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कुछ भी जवाब नहीं दिया।
गौरतलब है कि राजेंद्र के खिलाफ कोल ब्लॉक आवंटन घोटाले में सीबीआई ने एफआईआर दर्ज की है। राजेंद्र दर्डा कांग्रेसी सांसद विजय दर्डा के भाई हैं और विजय के खिलाफ भी इस मामले में एफआईआर दर्ज की गई है।
सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस एफआईआर दर्ज होने के बाद राजेंद्र दर्डा के खिलाफ कार्रवाई करने के मूड में है। इधर, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण से जब राजेंद्र दर्डा के इस्तीफे के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कुछ भी जवाब नहीं दिया।
सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस एफआईआर दर्ज होने के बाद राजेंद्र दर्डा के खिलाफ कार्रवाई करने के मूड में है। इधर, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण से जब राजेंद्र दर्डा के इस्तीफे के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कुछ भी जवाब नहीं दिया। | कोल आवंटन मामले में फंसे महाराष्ट्र के शिक्षामंत्री राजेन्द्र दर्डा जल्द ही इस्तीफा देंगे। सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस ने उन पर कार्रवाई करने का फैसला किया है। | 34 | ['hin'] |
दिए गए पाठ के लिए एक सारांश बनाएं: संत रविदास जयन्ती के अवसर पर देश को बधाई देते हुये बहुजन समाज पार्टी सुप्रीमो मायावती ने मंगलवार को कहा कि भाजपा द्वारा संकीर्ण, जातिवादी व साम्प्रदायिक द्वेष का व्यवहार करने के कारण ही देश में आज अनेकों प्रकार की विषमतायें व विकृतियाँ पहले से काफी ज्यादा बढ़ गयी हैं और समाज का तानाबाना बिखरता जा रहा है. उन्होंने कहा कि संत रविदास ने अपना सारा जीवन इन्सानियत का संदेश देने में गुज़ारा और इस क्रम में ख़ासकर जातिभेद के ख़िलाफ आजीवन कड़ा संघर्ष करते रहे. संत रविदास जयन्ती पर मंगलवार को जारी अपने बयान में उन्होंने कहा कि आज के संकीर्ण व जातिवादी माहौल में उनके मानवतावादी संदेश की बहुत ही ज़्यादा अहमियत है और मन को हर लिहाज़ से वास्तव में चंगा करके जीवन गुजारने की ज़रूरत है.ख़ासकर सत्ताधारी पार्टी के लोगों को चाहिये कि वे केवल उन्हें स्मरण करने की रस्म नहीं निभाएं बल्कि इससे पहले अपने मन को संकीर्णता, जातिवाद व साप्रदायिकता आदि से पाक करें क्योंकि छोटे मन से कोई भी बड़ा नहीं हो सकता।
मायावती ने कहा कि ख़ासकर सत्ताधारी पार्टी भाजपा द्वारा संकीर्ण, जातिवादी व साम्प्रदायिक द्वेष का व्यवहार करने के कारण ही देश में आज अनेकों प्रकार की विषमतायें व विकृतियां पहले से काफी ज्यादा बढ़ गयी हैं और समाज का तानाबाना बिखरता जा रहा है जिससे देश की 130 करोड़ आमजनता का दिन-प्रतिदिन का जीवन काफी विषम और कष्टकारी होता जा रहा है.
भाजपा के लोग सत्ता में रहने के बावजूद हर समस्या का राजनीतिकरण करके केवल लम्बी-चौड़ी बयानबाज़ी और लोगों को भावनात्मक रूप से ब्लैकमेल करने की कोशिश में ही लगातार लगे रहते हैं और वर्तमान में जम्मू-कश्मीर के पुलवामा के अति-घातक आतंकी हमले के मामले में भी देश में हर तरफ यही दिखाई पड़ रहा है. भाजपा को समझना चाहिये कि इस प्रकार की राजनीति से देश का कोई भला होने वाला नहीं है. इसलिये बीजेपी को देश हित के मद्देनज़र मूल तौर पर अपना रवैया बदलने की जरूरत है. | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: संत रविदास जयंती पर बोलीं मायावती
बीजेपी की वजह से समाज में विकृतियां
बीजेपी करती है सिर्फ लंबीचौड़ी बयानबाजी | 19 | ['hin'] |
इस पाठ का सारांश बनाओ: हैदराबाद की एक अदालत ने सोमवार को पुलिस को आदेश दिया कि वे एक बड़े घोटाले के मामले की जांच करें और पता लगाएं कि क्या आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू को आरोपी के तौर पर सूचिबद्ध करने के लिए उनके खिलाफ पर्याप्त सबूत हैं या नहीं. अदालत ने पुलिस को इस मामले में 29 सितंबर तक जवाब दाखिल करने को कहा है.
मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू तेलुगु देशम पार्टी (टीडीपी) के अध्यक्ष भी हैं. पुलिस के अनुसार पिछले साल पड़ोसी राज्य तेलंगाना में टीडीपी के एक विधायक स्थानीय चुनाव के दौरान एक अन्य विधायक को मोटी रिश्वत की पेशकश करते हुए वीडियो में पकड़े गए थे. जांचकर्ताओं के अनुसार यह पूरी डील 5 करोड़ रुपये में तय हुई थी. उस वीडियो में दिखे रेवंत रेड्डी भी उन लोगों में शामिल थे, जिन्हें गिरफ्तार किया गया था और बाद में उन्हें जमानत पर रिहा कर दिया गया था.
जब आंध्र प्रदेश से कटकर तेलंगाना राज्य बनाया गया तो हैदराबाद को 10 साल के लिए दोनों राज्यों की संयुक्त राजधानी घोषित किया गया था.
बता दें कि तेलंगाना में तेलंगाना राष्ट्र समिति यानी टीआरएस की सरकार है और पार्टी प्रमुख के. चंद्रशेखर राव मुख्यमंत्री हैं. चंद्रशेखर राव ने ही कैश फॉर वोट मामले में आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए दावा किया कि गुप्त रूप से रिकॉर्ड की गई फोन कॉल्स से पता चलता है कि इस सबके मास्टरमाइंड नायडू ही हैं.टिप्पणियां
दूसरी तरफ चंद्रबाबू नायडू और उनके मंत्री कहते रहे हैं कि उनके फोन अवैध तरीके के टेप किए गए. हालांकि फॉरेंसिक प्रयोगशाला में वह टेप सही पाए गए, लेकिन इस मामले में चंद्रबाबू नायडू की भूमिका अस्पष्ट ही रही, क्योंकि उन्हें आवाज के नमूने देने के लिए नहीं बुलाया गया. उधर दोनों राज्यों में विपक्षी नेताओं का कहना है कि चंद्रबाबू नायडू और चंद्रशेखर राव ने इस मामले में ऐसी गुप्त व्यवस्था की है कि इस केस में कोई कार्रवाई न हो सके.
नायडू को इस मामले में आरोपी बनाए जाने की मांग भी आंध्र प्रदेश में विपक्षी पार्टी वाईएसआर कांग्रेस के एक नेता ने की.
मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू तेलुगु देशम पार्टी (टीडीपी) के अध्यक्ष भी हैं. पुलिस के अनुसार पिछले साल पड़ोसी राज्य तेलंगाना में टीडीपी के एक विधायक स्थानीय चुनाव के दौरान एक अन्य विधायक को मोटी रिश्वत की पेशकश करते हुए वीडियो में पकड़े गए थे. जांचकर्ताओं के अनुसार यह पूरी डील 5 करोड़ रुपये में तय हुई थी. उस वीडियो में दिखे रेवंत रेड्डी भी उन लोगों में शामिल थे, जिन्हें गिरफ्तार किया गया था और बाद में उन्हें जमानत पर रिहा कर दिया गया था.
जब आंध्र प्रदेश से कटकर तेलंगाना राज्य बनाया गया तो हैदराबाद को 10 साल के लिए दोनों राज्यों की संयुक्त राजधानी घोषित किया गया था.
बता दें कि तेलंगाना में तेलंगाना राष्ट्र समिति यानी टीआरएस की सरकार है और पार्टी प्रमुख के. चंद्रशेखर राव मुख्यमंत्री हैं. चंद्रशेखर राव ने ही कैश फॉर वोट मामले में आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए दावा किया कि गुप्त रूप से रिकॉर्ड की गई फोन कॉल्स से पता चलता है कि इस सबके मास्टरमाइंड नायडू ही हैं.टिप्पणियां
दूसरी तरफ चंद्रबाबू नायडू और उनके मंत्री कहते रहे हैं कि उनके फोन अवैध तरीके के टेप किए गए. हालांकि फॉरेंसिक प्रयोगशाला में वह टेप सही पाए गए, लेकिन इस मामले में चंद्रबाबू नायडू की भूमिका अस्पष्ट ही रही, क्योंकि उन्हें आवाज के नमूने देने के लिए नहीं बुलाया गया. उधर दोनों राज्यों में विपक्षी नेताओं का कहना है कि चंद्रबाबू नायडू और चंद्रशेखर राव ने इस मामले में ऐसी गुप्त व्यवस्था की है कि इस केस में कोई कार्रवाई न हो सके.
नायडू को इस मामले में आरोपी बनाए जाने की मांग भी आंध्र प्रदेश में विपक्षी पार्टी वाईएसआर कांग्रेस के एक नेता ने की.
जब आंध्र प्रदेश से कटकर तेलंगाना राज्य बनाया गया तो हैदराबाद को 10 साल के लिए दोनों राज्यों की संयुक्त राजधानी घोषित किया गया था.
बता दें कि तेलंगाना में तेलंगाना राष्ट्र समिति यानी टीआरएस की सरकार है और पार्टी प्रमुख के. चंद्रशेखर राव मुख्यमंत्री हैं. चंद्रशेखर राव ने ही कैश फॉर वोट मामले में आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए दावा किया कि गुप्त रूप से रिकॉर्ड की गई फोन कॉल्स से पता चलता है कि इस सबके मास्टरमाइंड नायडू ही हैं.टिप्पणियां
दूसरी तरफ चंद्रबाबू नायडू और उनके मंत्री कहते रहे हैं कि उनके फोन अवैध तरीके के टेप किए गए. हालांकि फॉरेंसिक प्रयोगशाला में वह टेप सही पाए गए, लेकिन इस मामले में चंद्रबाबू नायडू की भूमिका अस्पष्ट ही रही, क्योंकि उन्हें आवाज के नमूने देने के लिए नहीं बुलाया गया. उधर दोनों राज्यों में विपक्षी नेताओं का कहना है कि चंद्रबाबू नायडू और चंद्रशेखर राव ने इस मामले में ऐसी गुप्त व्यवस्था की है कि इस केस में कोई कार्रवाई न हो सके.
नायडू को इस मामले में आरोपी बनाए जाने की मांग भी आंध्र प्रदेश में विपक्षी पार्टी वाईएसआर कांग्रेस के एक नेता ने की.
बता दें कि तेलंगाना में तेलंगाना राष्ट्र समिति यानी टीआरएस की सरकार है और पार्टी प्रमुख के. चंद्रशेखर राव मुख्यमंत्री हैं. चंद्रशेखर राव ने ही कैश फॉर वोट मामले में आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए दावा किया कि गुप्त रूप से रिकॉर्ड की गई फोन कॉल्स से पता चलता है कि इस सबके मास्टरमाइंड नायडू ही हैं.टिप्पणियां
दूसरी तरफ चंद्रबाबू नायडू और उनके मंत्री कहते रहे हैं कि उनके फोन अवैध तरीके के टेप किए गए. हालांकि फॉरेंसिक प्रयोगशाला में वह टेप सही पाए गए, लेकिन इस मामले में चंद्रबाबू नायडू की भूमिका अस्पष्ट ही रही, क्योंकि उन्हें आवाज के नमूने देने के लिए नहीं बुलाया गया. उधर दोनों राज्यों में विपक्षी नेताओं का कहना है कि चंद्रबाबू नायडू और चंद्रशेखर राव ने इस मामले में ऐसी गुप्त व्यवस्था की है कि इस केस में कोई कार्रवाई न हो सके.
नायडू को इस मामले में आरोपी बनाए जाने की मांग भी आंध्र प्रदेश में विपक्षी पार्टी वाईएसआर कांग्रेस के एक नेता ने की.
दूसरी तरफ चंद्रबाबू नायडू और उनके मंत्री कहते रहे हैं कि उनके फोन अवैध तरीके के टेप किए गए. हालांकि फॉरेंसिक प्रयोगशाला में वह टेप सही पाए गए, लेकिन इस मामले में चंद्रबाबू नायडू की भूमिका अस्पष्ट ही रही, क्योंकि उन्हें आवाज के नमूने देने के लिए नहीं बुलाया गया. उधर दोनों राज्यों में विपक्षी नेताओं का कहना है कि चंद्रबाबू नायडू और चंद्रशेखर राव ने इस मामले में ऐसी गुप्त व्यवस्था की है कि इस केस में कोई कार्रवाई न हो सके.
नायडू को इस मामले में आरोपी बनाए जाने की मांग भी आंध्र प्रदेश में विपक्षी पार्टी वाईएसआर कांग्रेस के एक नेता ने की.
नायडू को इस मामले में आरोपी बनाए जाने की मांग भी आंध्र प्रदेश में विपक्षी पार्टी वाईएसआर कांग्रेस के एक नेता ने की. | संक्षिप्त पाठ: टीडीपी का विधायक वीडियो में रिश्वत की पेशकश करते हुए पकड़ा गया
कोर्ट में कहा गया कि मामले में नायडू शामिल हैं, उनका नाम भी जोड़ा जाए
कोर्ट ने पुलिस को चंद्रबाबू के खिलाफ सबूतों की जांच करने का आदेश दिया | 27 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: उत्तर प्रदेश में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले में परिवर्तन रैली को संबोधित करते हुए कहा कि देश से गरीबी को मिटाना है तो पहले बड़े राज्यों से गरीबी हटानी होगी.
उन्होंने कहा कि यूपी से चुनाव इसलिए नहीं लड़ा कि पीएम बनूं बल्कि इसलिए कि यह सबसे बड़ा राज्य है. यहां पर गरीबी से लड़ाई लड़ना है, हिंदुस्तान से गरीबी को मिटाना है, इसलिए यहां से चुनाव लड़ा.
पीएम मोदी ने कहा कि विकास होगा तो रोजगार आएगा, बच्चों को अच्छी शिक्षा मिलेगा. बुजुर्गों का अच्छा इलाज होगा. घर में बिजली और पानी मिलेगी. पीएम मोदी ने कहा कि विकास हमारी प्राथमिकता है. मुरादाबाद जो पीतल के काम के कारण दुनिया में जाना जाता है उसके आस पास 1000 ऐसे गांव है जहां बिजली नहीं है. उन्होंने कहा कि 'इन गांव से मुझे किसी ने चिट्ठी नहीं लिखी, कि आप यूपी के सांसद हो. अब यहां का काम करो. मैंने खुद अधिकारियों को बुलाया और पूछा कि कितने गांव है यहां पर जहां बिजली का खंभा तक नहीं लगा है. मुझे बताया गया कि 18000 गांव यूपी में ऐसे हैं जहां पर बिजली नहीं है.'
पहले की सरकारों पर हमला करते हुए पीएम ने कहा घोषणा करने वाली बहुत सरकारें देखी होंगी, लेकिन घोषणा करके काम करने वाली यह पहली सरकार है, जनता को काम का और पैसे का पूरा हिसाब दिया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि जो काम 70 साल में नहीं हुआ. उसको करने में कुछ समय लगेगा. मैंने 1000 दिन में यह काम पूरा करने की घोषणा की थी. अभी आधे दिन भी नहीं हुए हैं लेकिन 950 गांव में बिजली पहुंचाने का काम पूरा किया गया है.
पीएम मोदी ने कहा कि जिस गांव में बिजली गई उस गांव में बच्चों की शिक्षा में बदलाव आएगा. मांओं को भी आराम होगा. गेहूं पीसने के लिए दूसरे गांव नहीं जाना होगा. बिजली से किसानों की पानी की समस्या दूर होगी. उन्होंने कहा कि सरकारें घोषणाएं करने के लिए नहीं होती हैं, सरकारें घोषणाएं करने के बाद काम पूरा करने के लिए होती हैं.
पीएम नरेंद्र मोदी ने मध्य प्रदेश में विकास के काम का जिक्र किया. मध्य प्रदेश में बीजेपी की सरकार की वजह से वह बीमारू राज्य की श्रेणी से बाहर हो गया. पीएम मोदी ने कहा कि मध्य प्रदेश के किसानों ने पानी की कमी के बावजूद दोगुना उत्पादन कर देश की तरक्की में योगदान दिया है.
यूपी की राजनीति पर बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा कि अपने-अपनों के लिए काम करने वाली सरकारें आपने देखी हैं, लेकिन केवल बीजेपी ही ऐसी सरकार लाएगी जो लोगों के लिए काम करेगी.
पीएम मोदी ने कहा कि भ्रष्टाचार इस देश की सर्वाधिक मुसीबतों की जड़ में है. भ्रष्टाचार को खत्म करना चाहिए. भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ने के लिए कुछ लोग मुझे गुनाहगार कह रहे हैं. पीएम मोदी ने कहा कि हिंदुस्तान की पाई-पाई पर देश के लोगों का हक है.
पीएम मोदी ने कहा कि 'हम तो फकीर आदमी है, झोला लेकर चल पड़ेंगे. ये भ्रष्टाचारी ज्यादा से ज्यादा क्या कर लेंगे. इस फकीरी ने मुझे गरीबों के लिए लड़ने की ताकत दी है. बैंकों का राष्ट्रीयकरण हुआ था, गरीबों के नाम पर हुआ था. लेकिन इस देश के गरीबों को बैंक के दरवाजे तक जाने का मौका नहीं मिला.नोटों के बंडल छिपाकर रखे हुए थे, अब इसकी जांच हो रही है, अब यह बाहर आ रहा है.
पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद अमीर गरीब के पैर पकड़ रहा है. बैंक में वो जा नहीं सकते है. बेईमान लोग गरीबों के घर के बाहर कतार लगाए हुए. गरीब और ईमानदार लोग बैंकों के सामने लाइन लगाए हुए हैं. पीएम मोदी ने कहा, जनधन खाता लोगों के काम आ रहा है. पहले चीनी, मिट्टी के तेल के लिए लाइन में लोगों का लगना पड़ता था. लेकिन अब यह सब कतारें समाप्त हो गई हैं.
पीएम मोदी ने यह भी कहा कि 'जनधन खातों में जो भी पैसे आए उनको वहीं रखना. मैं इसे सही करने में लगा हूं. गरीबों को लूटकर यह पैसा इकट्ठा किया गया है.' पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद से कई लोगों के चेहरे से रौनक चली गई है. अब वे पूरा दिन मोदी-मोदी कर रहे हैं.
पीएम मोदी ने कहा कि देश की जनता को मालूम है कि यह प्रयास ईमानदारी का प्रयास है और देश की जनता इसलिए कष्ट झेलने को तैयार है. सामान्य नागरिक बेईमानी से तंग आ चुका है. पीएम ने कहा कि आम आदमी बेईमानी नहीं चाहता है. पीएम मोदी ने आगे कहा कि ईमानदारी के लिए जो भी रास्ते बनेंगे, हर रास्ते पर देश को ले जाऊंगा.
पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से बैंकिंग के लिए लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से सारा खर्च हो सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि यहां पर लोग ईवीएम में बटन दबाकर वोट देते हैं जबकि कई विकसित देशों में ठप्पा लगाकर अभी भी वोट दिया जाता है. पीएम मोदी ने कहा कि गरीब लोग भी बदलने को तैयार है.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
पीएम मोदी ने कहा कि विकास होगा तो रोजगार आएगा, बच्चों को अच्छी शिक्षा मिलेगा. बुजुर्गों का अच्छा इलाज होगा. घर में बिजली और पानी मिलेगी. पीएम मोदी ने कहा कि विकास हमारी प्राथमिकता है. मुरादाबाद जो पीतल के काम के कारण दुनिया में जाना जाता है उसके आस पास 1000 ऐसे गांव है जहां बिजली नहीं है. उन्होंने कहा कि 'इन गांव से मुझे किसी ने चिट्ठी नहीं लिखी, कि आप यूपी के सांसद हो. अब यहां का काम करो. मैंने खुद अधिकारियों को बुलाया और पूछा कि कितने गांव है यहां पर जहां बिजली का खंभा तक नहीं लगा है. मुझे बताया गया कि 18000 गांव यूपी में ऐसे हैं जहां पर बिजली नहीं है.'
पहले की सरकारों पर हमला करते हुए पीएम ने कहा घोषणा करने वाली बहुत सरकारें देखी होंगी, लेकिन घोषणा करके काम करने वाली यह पहली सरकार है, जनता को काम का और पैसे का पूरा हिसाब दिया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि जो काम 70 साल में नहीं हुआ. उसको करने में कुछ समय लगेगा. मैंने 1000 दिन में यह काम पूरा करने की घोषणा की थी. अभी आधे दिन भी नहीं हुए हैं लेकिन 950 गांव में बिजली पहुंचाने का काम पूरा किया गया है.
पीएम मोदी ने कहा कि जिस गांव में बिजली गई उस गांव में बच्चों की शिक्षा में बदलाव आएगा. मांओं को भी आराम होगा. गेहूं पीसने के लिए दूसरे गांव नहीं जाना होगा. बिजली से किसानों की पानी की समस्या दूर होगी. उन्होंने कहा कि सरकारें घोषणाएं करने के लिए नहीं होती हैं, सरकारें घोषणाएं करने के बाद काम पूरा करने के लिए होती हैं.
पीएम नरेंद्र मोदी ने मध्य प्रदेश में विकास के काम का जिक्र किया. मध्य प्रदेश में बीजेपी की सरकार की वजह से वह बीमारू राज्य की श्रेणी से बाहर हो गया. पीएम मोदी ने कहा कि मध्य प्रदेश के किसानों ने पानी की कमी के बावजूद दोगुना उत्पादन कर देश की तरक्की में योगदान दिया है.
यूपी की राजनीति पर बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा कि अपने-अपनों के लिए काम करने वाली सरकारें आपने देखी हैं, लेकिन केवल बीजेपी ही ऐसी सरकार लाएगी जो लोगों के लिए काम करेगी.
पीएम मोदी ने कहा कि भ्रष्टाचार इस देश की सर्वाधिक मुसीबतों की जड़ में है. भ्रष्टाचार को खत्म करना चाहिए. भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ने के लिए कुछ लोग मुझे गुनाहगार कह रहे हैं. पीएम मोदी ने कहा कि हिंदुस्तान की पाई-पाई पर देश के लोगों का हक है.
पीएम मोदी ने कहा कि 'हम तो फकीर आदमी है, झोला लेकर चल पड़ेंगे. ये भ्रष्टाचारी ज्यादा से ज्यादा क्या कर लेंगे. इस फकीरी ने मुझे गरीबों के लिए लड़ने की ताकत दी है. बैंकों का राष्ट्रीयकरण हुआ था, गरीबों के नाम पर हुआ था. लेकिन इस देश के गरीबों को बैंक के दरवाजे तक जाने का मौका नहीं मिला.नोटों के बंडल छिपाकर रखे हुए थे, अब इसकी जांच हो रही है, अब यह बाहर आ रहा है.
पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद अमीर गरीब के पैर पकड़ रहा है. बैंक में वो जा नहीं सकते है. बेईमान लोग गरीबों के घर के बाहर कतार लगाए हुए. गरीब और ईमानदार लोग बैंकों के सामने लाइन लगाए हुए हैं. पीएम मोदी ने कहा, जनधन खाता लोगों के काम आ रहा है. पहले चीनी, मिट्टी के तेल के लिए लाइन में लोगों का लगना पड़ता था. लेकिन अब यह सब कतारें समाप्त हो गई हैं.
पीएम मोदी ने यह भी कहा कि 'जनधन खातों में जो भी पैसे आए उनको वहीं रखना. मैं इसे सही करने में लगा हूं. गरीबों को लूटकर यह पैसा इकट्ठा किया गया है.' पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद से कई लोगों के चेहरे से रौनक चली गई है. अब वे पूरा दिन मोदी-मोदी कर रहे हैं.
पीएम मोदी ने कहा कि देश की जनता को मालूम है कि यह प्रयास ईमानदारी का प्रयास है और देश की जनता इसलिए कष्ट झेलने को तैयार है. सामान्य नागरिक बेईमानी से तंग आ चुका है. पीएम ने कहा कि आम आदमी बेईमानी नहीं चाहता है. पीएम मोदी ने आगे कहा कि ईमानदारी के लिए जो भी रास्ते बनेंगे, हर रास्ते पर देश को ले जाऊंगा.
पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से बैंकिंग के लिए लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से सारा खर्च हो सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि यहां पर लोग ईवीएम में बटन दबाकर वोट देते हैं जबकि कई विकसित देशों में ठप्पा लगाकर अभी भी वोट दिया जाता है. पीएम मोदी ने कहा कि गरीब लोग भी बदलने को तैयार है.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
पहले की सरकारों पर हमला करते हुए पीएम ने कहा घोषणा करने वाली बहुत सरकारें देखी होंगी, लेकिन घोषणा करके काम करने वाली यह पहली सरकार है, जनता को काम का और पैसे का पूरा हिसाब दिया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि जो काम 70 साल में नहीं हुआ. उसको करने में कुछ समय लगेगा. मैंने 1000 दिन में यह काम पूरा करने की घोषणा की थी. अभी आधे दिन भी नहीं हुए हैं लेकिन 950 गांव में बिजली पहुंचाने का काम पूरा किया गया है.
पीएम मोदी ने कहा कि जिस गांव में बिजली गई उस गांव में बच्चों की शिक्षा में बदलाव आएगा. मांओं को भी आराम होगा. गेहूं पीसने के लिए दूसरे गांव नहीं जाना होगा. बिजली से किसानों की पानी की समस्या दूर होगी. उन्होंने कहा कि सरकारें घोषणाएं करने के लिए नहीं होती हैं, सरकारें घोषणाएं करने के बाद काम पूरा करने के लिए होती हैं.
पीएम नरेंद्र मोदी ने मध्य प्रदेश में विकास के काम का जिक्र किया. मध्य प्रदेश में बीजेपी की सरकार की वजह से वह बीमारू राज्य की श्रेणी से बाहर हो गया. पीएम मोदी ने कहा कि मध्य प्रदेश के किसानों ने पानी की कमी के बावजूद दोगुना उत्पादन कर देश की तरक्की में योगदान दिया है.
यूपी की राजनीति पर बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा कि अपने-अपनों के लिए काम करने वाली सरकारें आपने देखी हैं, लेकिन केवल बीजेपी ही ऐसी सरकार लाएगी जो लोगों के लिए काम करेगी.
पीएम मोदी ने कहा कि भ्रष्टाचार इस देश की सर्वाधिक मुसीबतों की जड़ में है. भ्रष्टाचार को खत्म करना चाहिए. भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ने के लिए कुछ लोग मुझे गुनाहगार कह रहे हैं. पीएम मोदी ने कहा कि हिंदुस्तान की पाई-पाई पर देश के लोगों का हक है.
पीएम मोदी ने कहा कि 'हम तो फकीर आदमी है, झोला लेकर चल पड़ेंगे. ये भ्रष्टाचारी ज्यादा से ज्यादा क्या कर लेंगे. इस फकीरी ने मुझे गरीबों के लिए लड़ने की ताकत दी है. बैंकों का राष्ट्रीयकरण हुआ था, गरीबों के नाम पर हुआ था. लेकिन इस देश के गरीबों को बैंक के दरवाजे तक जाने का मौका नहीं मिला.नोटों के बंडल छिपाकर रखे हुए थे, अब इसकी जांच हो रही है, अब यह बाहर आ रहा है.
पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद अमीर गरीब के पैर पकड़ रहा है. बैंक में वो जा नहीं सकते है. बेईमान लोग गरीबों के घर के बाहर कतार लगाए हुए. गरीब और ईमानदार लोग बैंकों के सामने लाइन लगाए हुए हैं. पीएम मोदी ने कहा, जनधन खाता लोगों के काम आ रहा है. पहले चीनी, मिट्टी के तेल के लिए लाइन में लोगों का लगना पड़ता था. लेकिन अब यह सब कतारें समाप्त हो गई हैं.
पीएम मोदी ने यह भी कहा कि 'जनधन खातों में जो भी पैसे आए उनको वहीं रखना. मैं इसे सही करने में लगा हूं. गरीबों को लूटकर यह पैसा इकट्ठा किया गया है.' पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद से कई लोगों के चेहरे से रौनक चली गई है. अब वे पूरा दिन मोदी-मोदी कर रहे हैं.
पीएम मोदी ने कहा कि देश की जनता को मालूम है कि यह प्रयास ईमानदारी का प्रयास है और देश की जनता इसलिए कष्ट झेलने को तैयार है. सामान्य नागरिक बेईमानी से तंग आ चुका है. पीएम ने कहा कि आम आदमी बेईमानी नहीं चाहता है. पीएम मोदी ने आगे कहा कि ईमानदारी के लिए जो भी रास्ते बनेंगे, हर रास्ते पर देश को ले जाऊंगा.
पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से बैंकिंग के लिए लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से सारा खर्च हो सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि यहां पर लोग ईवीएम में बटन दबाकर वोट देते हैं जबकि कई विकसित देशों में ठप्पा लगाकर अभी भी वोट दिया जाता है. पीएम मोदी ने कहा कि गरीब लोग भी बदलने को तैयार है.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
पीएम मोदी ने कहा कि जिस गांव में बिजली गई उस गांव में बच्चों की शिक्षा में बदलाव आएगा. मांओं को भी आराम होगा. गेहूं पीसने के लिए दूसरे गांव नहीं जाना होगा. बिजली से किसानों की पानी की समस्या दूर होगी. उन्होंने कहा कि सरकारें घोषणाएं करने के लिए नहीं होती हैं, सरकारें घोषणाएं करने के बाद काम पूरा करने के लिए होती हैं.
पीएम नरेंद्र मोदी ने मध्य प्रदेश में विकास के काम का जिक्र किया. मध्य प्रदेश में बीजेपी की सरकार की वजह से वह बीमारू राज्य की श्रेणी से बाहर हो गया. पीएम मोदी ने कहा कि मध्य प्रदेश के किसानों ने पानी की कमी के बावजूद दोगुना उत्पादन कर देश की तरक्की में योगदान दिया है.
यूपी की राजनीति पर बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा कि अपने-अपनों के लिए काम करने वाली सरकारें आपने देखी हैं, लेकिन केवल बीजेपी ही ऐसी सरकार लाएगी जो लोगों के लिए काम करेगी.
पीएम मोदी ने कहा कि भ्रष्टाचार इस देश की सर्वाधिक मुसीबतों की जड़ में है. भ्रष्टाचार को खत्म करना चाहिए. भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ने के लिए कुछ लोग मुझे गुनाहगार कह रहे हैं. पीएम मोदी ने कहा कि हिंदुस्तान की पाई-पाई पर देश के लोगों का हक है.
पीएम मोदी ने कहा कि 'हम तो फकीर आदमी है, झोला लेकर चल पड़ेंगे. ये भ्रष्टाचारी ज्यादा से ज्यादा क्या कर लेंगे. इस फकीरी ने मुझे गरीबों के लिए लड़ने की ताकत दी है. बैंकों का राष्ट्रीयकरण हुआ था, गरीबों के नाम पर हुआ था. लेकिन इस देश के गरीबों को बैंक के दरवाजे तक जाने का मौका नहीं मिला.नोटों के बंडल छिपाकर रखे हुए थे, अब इसकी जांच हो रही है, अब यह बाहर आ रहा है.
पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद अमीर गरीब के पैर पकड़ रहा है. बैंक में वो जा नहीं सकते है. बेईमान लोग गरीबों के घर के बाहर कतार लगाए हुए. गरीब और ईमानदार लोग बैंकों के सामने लाइन लगाए हुए हैं. पीएम मोदी ने कहा, जनधन खाता लोगों के काम आ रहा है. पहले चीनी, मिट्टी के तेल के लिए लाइन में लोगों का लगना पड़ता था. लेकिन अब यह सब कतारें समाप्त हो गई हैं.
पीएम मोदी ने यह भी कहा कि 'जनधन खातों में जो भी पैसे आए उनको वहीं रखना. मैं इसे सही करने में लगा हूं. गरीबों को लूटकर यह पैसा इकट्ठा किया गया है.' पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद से कई लोगों के चेहरे से रौनक चली गई है. अब वे पूरा दिन मोदी-मोदी कर रहे हैं.
पीएम मोदी ने कहा कि देश की जनता को मालूम है कि यह प्रयास ईमानदारी का प्रयास है और देश की जनता इसलिए कष्ट झेलने को तैयार है. सामान्य नागरिक बेईमानी से तंग आ चुका है. पीएम ने कहा कि आम आदमी बेईमानी नहीं चाहता है. पीएम मोदी ने आगे कहा कि ईमानदारी के लिए जो भी रास्ते बनेंगे, हर रास्ते पर देश को ले जाऊंगा.
पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से बैंकिंग के लिए लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से सारा खर्च हो सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि यहां पर लोग ईवीएम में बटन दबाकर वोट देते हैं जबकि कई विकसित देशों में ठप्पा लगाकर अभी भी वोट दिया जाता है. पीएम मोदी ने कहा कि गरीब लोग भी बदलने को तैयार है.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
पीएम नरेंद्र मोदी ने मध्य प्रदेश में विकास के काम का जिक्र किया. मध्य प्रदेश में बीजेपी की सरकार की वजह से वह बीमारू राज्य की श्रेणी से बाहर हो गया. पीएम मोदी ने कहा कि मध्य प्रदेश के किसानों ने पानी की कमी के बावजूद दोगुना उत्पादन कर देश की तरक्की में योगदान दिया है.
यूपी की राजनीति पर बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा कि अपने-अपनों के लिए काम करने वाली सरकारें आपने देखी हैं, लेकिन केवल बीजेपी ही ऐसी सरकार लाएगी जो लोगों के लिए काम करेगी.
पीएम मोदी ने कहा कि भ्रष्टाचार इस देश की सर्वाधिक मुसीबतों की जड़ में है. भ्रष्टाचार को खत्म करना चाहिए. भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ने के लिए कुछ लोग मुझे गुनाहगार कह रहे हैं. पीएम मोदी ने कहा कि हिंदुस्तान की पाई-पाई पर देश के लोगों का हक है.
पीएम मोदी ने कहा कि 'हम तो फकीर आदमी है, झोला लेकर चल पड़ेंगे. ये भ्रष्टाचारी ज्यादा से ज्यादा क्या कर लेंगे. इस फकीरी ने मुझे गरीबों के लिए लड़ने की ताकत दी है. बैंकों का राष्ट्रीयकरण हुआ था, गरीबों के नाम पर हुआ था. लेकिन इस देश के गरीबों को बैंक के दरवाजे तक जाने का मौका नहीं मिला.नोटों के बंडल छिपाकर रखे हुए थे, अब इसकी जांच हो रही है, अब यह बाहर आ रहा है.
पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद अमीर गरीब के पैर पकड़ रहा है. बैंक में वो जा नहीं सकते है. बेईमान लोग गरीबों के घर के बाहर कतार लगाए हुए. गरीब और ईमानदार लोग बैंकों के सामने लाइन लगाए हुए हैं. पीएम मोदी ने कहा, जनधन खाता लोगों के काम आ रहा है. पहले चीनी, मिट्टी के तेल के लिए लाइन में लोगों का लगना पड़ता था. लेकिन अब यह सब कतारें समाप्त हो गई हैं.
पीएम मोदी ने यह भी कहा कि 'जनधन खातों में जो भी पैसे आए उनको वहीं रखना. मैं इसे सही करने में लगा हूं. गरीबों को लूटकर यह पैसा इकट्ठा किया गया है.' पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद से कई लोगों के चेहरे से रौनक चली गई है. अब वे पूरा दिन मोदी-मोदी कर रहे हैं.
पीएम मोदी ने कहा कि देश की जनता को मालूम है कि यह प्रयास ईमानदारी का प्रयास है और देश की जनता इसलिए कष्ट झेलने को तैयार है. सामान्य नागरिक बेईमानी से तंग आ चुका है. पीएम ने कहा कि आम आदमी बेईमानी नहीं चाहता है. पीएम मोदी ने आगे कहा कि ईमानदारी के लिए जो भी रास्ते बनेंगे, हर रास्ते पर देश को ले जाऊंगा.
पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से बैंकिंग के लिए लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से सारा खर्च हो सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि यहां पर लोग ईवीएम में बटन दबाकर वोट देते हैं जबकि कई विकसित देशों में ठप्पा लगाकर अभी भी वोट दिया जाता है. पीएम मोदी ने कहा कि गरीब लोग भी बदलने को तैयार है.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
यूपी की राजनीति पर बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा कि अपने-अपनों के लिए काम करने वाली सरकारें आपने देखी हैं, लेकिन केवल बीजेपी ही ऐसी सरकार लाएगी जो लोगों के लिए काम करेगी.
पीएम मोदी ने कहा कि भ्रष्टाचार इस देश की सर्वाधिक मुसीबतों की जड़ में है. भ्रष्टाचार को खत्म करना चाहिए. भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ने के लिए कुछ लोग मुझे गुनाहगार कह रहे हैं. पीएम मोदी ने कहा कि हिंदुस्तान की पाई-पाई पर देश के लोगों का हक है.
पीएम मोदी ने कहा कि 'हम तो फकीर आदमी है, झोला लेकर चल पड़ेंगे. ये भ्रष्टाचारी ज्यादा से ज्यादा क्या कर लेंगे. इस फकीरी ने मुझे गरीबों के लिए लड़ने की ताकत दी है. बैंकों का राष्ट्रीयकरण हुआ था, गरीबों के नाम पर हुआ था. लेकिन इस देश के गरीबों को बैंक के दरवाजे तक जाने का मौका नहीं मिला.नोटों के बंडल छिपाकर रखे हुए थे, अब इसकी जांच हो रही है, अब यह बाहर आ रहा है.
पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद अमीर गरीब के पैर पकड़ रहा है. बैंक में वो जा नहीं सकते है. बेईमान लोग गरीबों के घर के बाहर कतार लगाए हुए. गरीब और ईमानदार लोग बैंकों के सामने लाइन लगाए हुए हैं. पीएम मोदी ने कहा, जनधन खाता लोगों के काम आ रहा है. पहले चीनी, मिट्टी के तेल के लिए लाइन में लोगों का लगना पड़ता था. लेकिन अब यह सब कतारें समाप्त हो गई हैं.
पीएम मोदी ने यह भी कहा कि 'जनधन खातों में जो भी पैसे आए उनको वहीं रखना. मैं इसे सही करने में लगा हूं. गरीबों को लूटकर यह पैसा इकट्ठा किया गया है.' पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद से कई लोगों के चेहरे से रौनक चली गई है. अब वे पूरा दिन मोदी-मोदी कर रहे हैं.
पीएम मोदी ने कहा कि देश की जनता को मालूम है कि यह प्रयास ईमानदारी का प्रयास है और देश की जनता इसलिए कष्ट झेलने को तैयार है. सामान्य नागरिक बेईमानी से तंग आ चुका है. पीएम ने कहा कि आम आदमी बेईमानी नहीं चाहता है. पीएम मोदी ने आगे कहा कि ईमानदारी के लिए जो भी रास्ते बनेंगे, हर रास्ते पर देश को ले जाऊंगा.
पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से बैंकिंग के लिए लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से सारा खर्च हो सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि यहां पर लोग ईवीएम में बटन दबाकर वोट देते हैं जबकि कई विकसित देशों में ठप्पा लगाकर अभी भी वोट दिया जाता है. पीएम मोदी ने कहा कि गरीब लोग भी बदलने को तैयार है.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
पीएम मोदी ने कहा कि भ्रष्टाचार इस देश की सर्वाधिक मुसीबतों की जड़ में है. भ्रष्टाचार को खत्म करना चाहिए. भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ने के लिए कुछ लोग मुझे गुनाहगार कह रहे हैं. पीएम मोदी ने कहा कि हिंदुस्तान की पाई-पाई पर देश के लोगों का हक है.
पीएम मोदी ने कहा कि 'हम तो फकीर आदमी है, झोला लेकर चल पड़ेंगे. ये भ्रष्टाचारी ज्यादा से ज्यादा क्या कर लेंगे. इस फकीरी ने मुझे गरीबों के लिए लड़ने की ताकत दी है. बैंकों का राष्ट्रीयकरण हुआ था, गरीबों के नाम पर हुआ था. लेकिन इस देश के गरीबों को बैंक के दरवाजे तक जाने का मौका नहीं मिला.नोटों के बंडल छिपाकर रखे हुए थे, अब इसकी जांच हो रही है, अब यह बाहर आ रहा है.
पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद अमीर गरीब के पैर पकड़ रहा है. बैंक में वो जा नहीं सकते है. बेईमान लोग गरीबों के घर के बाहर कतार लगाए हुए. गरीब और ईमानदार लोग बैंकों के सामने लाइन लगाए हुए हैं. पीएम मोदी ने कहा, जनधन खाता लोगों के काम आ रहा है. पहले चीनी, मिट्टी के तेल के लिए लाइन में लोगों का लगना पड़ता था. लेकिन अब यह सब कतारें समाप्त हो गई हैं.
पीएम मोदी ने यह भी कहा कि 'जनधन खातों में जो भी पैसे आए उनको वहीं रखना. मैं इसे सही करने में लगा हूं. गरीबों को लूटकर यह पैसा इकट्ठा किया गया है.' पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद से कई लोगों के चेहरे से रौनक चली गई है. अब वे पूरा दिन मोदी-मोदी कर रहे हैं.
पीएम मोदी ने कहा कि देश की जनता को मालूम है कि यह प्रयास ईमानदारी का प्रयास है और देश की जनता इसलिए कष्ट झेलने को तैयार है. सामान्य नागरिक बेईमानी से तंग आ चुका है. पीएम ने कहा कि आम आदमी बेईमानी नहीं चाहता है. पीएम मोदी ने आगे कहा कि ईमानदारी के लिए जो भी रास्ते बनेंगे, हर रास्ते पर देश को ले जाऊंगा.
पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से बैंकिंग के लिए लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से सारा खर्च हो सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि यहां पर लोग ईवीएम में बटन दबाकर वोट देते हैं जबकि कई विकसित देशों में ठप्पा लगाकर अभी भी वोट दिया जाता है. पीएम मोदी ने कहा कि गरीब लोग भी बदलने को तैयार है.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
पीएम मोदी ने कहा कि 'हम तो फकीर आदमी है, झोला लेकर चल पड़ेंगे. ये भ्रष्टाचारी ज्यादा से ज्यादा क्या कर लेंगे. इस फकीरी ने मुझे गरीबों के लिए लड़ने की ताकत दी है. बैंकों का राष्ट्रीयकरण हुआ था, गरीबों के नाम पर हुआ था. लेकिन इस देश के गरीबों को बैंक के दरवाजे तक जाने का मौका नहीं मिला.नोटों के बंडल छिपाकर रखे हुए थे, अब इसकी जांच हो रही है, अब यह बाहर आ रहा है.
पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद अमीर गरीब के पैर पकड़ रहा है. बैंक में वो जा नहीं सकते है. बेईमान लोग गरीबों के घर के बाहर कतार लगाए हुए. गरीब और ईमानदार लोग बैंकों के सामने लाइन लगाए हुए हैं. पीएम मोदी ने कहा, जनधन खाता लोगों के काम आ रहा है. पहले चीनी, मिट्टी के तेल के लिए लाइन में लोगों का लगना पड़ता था. लेकिन अब यह सब कतारें समाप्त हो गई हैं.
पीएम मोदी ने यह भी कहा कि 'जनधन खातों में जो भी पैसे आए उनको वहीं रखना. मैं इसे सही करने में लगा हूं. गरीबों को लूटकर यह पैसा इकट्ठा किया गया है.' पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद से कई लोगों के चेहरे से रौनक चली गई है. अब वे पूरा दिन मोदी-मोदी कर रहे हैं.
पीएम मोदी ने कहा कि देश की जनता को मालूम है कि यह प्रयास ईमानदारी का प्रयास है और देश की जनता इसलिए कष्ट झेलने को तैयार है. सामान्य नागरिक बेईमानी से तंग आ चुका है. पीएम ने कहा कि आम आदमी बेईमानी नहीं चाहता है. पीएम मोदी ने आगे कहा कि ईमानदारी के लिए जो भी रास्ते बनेंगे, हर रास्ते पर देश को ले जाऊंगा.
पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से बैंकिंग के लिए लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से सारा खर्च हो सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि यहां पर लोग ईवीएम में बटन दबाकर वोट देते हैं जबकि कई विकसित देशों में ठप्पा लगाकर अभी भी वोट दिया जाता है. पीएम मोदी ने कहा कि गरीब लोग भी बदलने को तैयार है.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद अमीर गरीब के पैर पकड़ रहा है. बैंक में वो जा नहीं सकते है. बेईमान लोग गरीबों के घर के बाहर कतार लगाए हुए. गरीब और ईमानदार लोग बैंकों के सामने लाइन लगाए हुए हैं. पीएम मोदी ने कहा, जनधन खाता लोगों के काम आ रहा है. पहले चीनी, मिट्टी के तेल के लिए लाइन में लोगों का लगना पड़ता था. लेकिन अब यह सब कतारें समाप्त हो गई हैं.
पीएम मोदी ने यह भी कहा कि 'जनधन खातों में जो भी पैसे आए उनको वहीं रखना. मैं इसे सही करने में लगा हूं. गरीबों को लूटकर यह पैसा इकट्ठा किया गया है.' पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद से कई लोगों के चेहरे से रौनक चली गई है. अब वे पूरा दिन मोदी-मोदी कर रहे हैं.
पीएम मोदी ने कहा कि देश की जनता को मालूम है कि यह प्रयास ईमानदारी का प्रयास है और देश की जनता इसलिए कष्ट झेलने को तैयार है. सामान्य नागरिक बेईमानी से तंग आ चुका है. पीएम ने कहा कि आम आदमी बेईमानी नहीं चाहता है. पीएम मोदी ने आगे कहा कि ईमानदारी के लिए जो भी रास्ते बनेंगे, हर रास्ते पर देश को ले जाऊंगा.
पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से बैंकिंग के लिए लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से सारा खर्च हो सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि यहां पर लोग ईवीएम में बटन दबाकर वोट देते हैं जबकि कई विकसित देशों में ठप्पा लगाकर अभी भी वोट दिया जाता है. पीएम मोदी ने कहा कि गरीब लोग भी बदलने को तैयार है.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
पीएम मोदी ने यह भी कहा कि 'जनधन खातों में जो भी पैसे आए उनको वहीं रखना. मैं इसे सही करने में लगा हूं. गरीबों को लूटकर यह पैसा इकट्ठा किया गया है.' पीएम मोदी ने कहा कि नोटबंदी के बाद से कई लोगों के चेहरे से रौनक चली गई है. अब वे पूरा दिन मोदी-मोदी कर रहे हैं.
पीएम मोदी ने कहा कि देश की जनता को मालूम है कि यह प्रयास ईमानदारी का प्रयास है और देश की जनता इसलिए कष्ट झेलने को तैयार है. सामान्य नागरिक बेईमानी से तंग आ चुका है. पीएम ने कहा कि आम आदमी बेईमानी नहीं चाहता है. पीएम मोदी ने आगे कहा कि ईमानदारी के लिए जो भी रास्ते बनेंगे, हर रास्ते पर देश को ले जाऊंगा.
पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से बैंकिंग के लिए लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से सारा खर्च हो सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि यहां पर लोग ईवीएम में बटन दबाकर वोट देते हैं जबकि कई विकसित देशों में ठप्पा लगाकर अभी भी वोट दिया जाता है. पीएम मोदी ने कहा कि गरीब लोग भी बदलने को तैयार है.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
पीएम मोदी ने कहा कि देश की जनता को मालूम है कि यह प्रयास ईमानदारी का प्रयास है और देश की जनता इसलिए कष्ट झेलने को तैयार है. सामान्य नागरिक बेईमानी से तंग आ चुका है. पीएम ने कहा कि आम आदमी बेईमानी नहीं चाहता है. पीएम मोदी ने आगे कहा कि ईमानदारी के लिए जो भी रास्ते बनेंगे, हर रास्ते पर देश को ले जाऊंगा.
पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से बैंकिंग के लिए लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से सारा खर्च हो सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि यहां पर लोग ईवीएम में बटन दबाकर वोट देते हैं जबकि कई विकसित देशों में ठप्पा लगाकर अभी भी वोट दिया जाता है. पीएम मोदी ने कहा कि गरीब लोग भी बदलने को तैयार है.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से बैंकिंग के लिए लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि मोबाइल फोन से सारा खर्च हो सकता है. पीएम मोदी ने कहा कि यहां पर लोग ईवीएम में बटन दबाकर वोट देते हैं जबकि कई विकसित देशों में ठप्पा लगाकर अभी भी वोट दिया जाता है. पीएम मोदी ने कहा कि गरीब लोग भी बदलने को तैयार है.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
पीएम मोदी ने कहा कि देश में 40 करोड़ लोग स्मार्टफोन का प्रयोग करते हैं, क्या ये लोग एटीएम की लाइन से बाहर नहीं आ सकते. पीएम मोदी ने कहा कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के रास्ते बंद करना है. मोबाइल फोन से लेन-देन शुरू करेंगे तो यह सब हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में देश डिजिटल इंडिया बनने के लिए तैयार है.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
पीएम मोदी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि लोगों को सिखाइए मोबाइल से कैसे लेन-देन करना है. देश का भविष्य बनाने के लिए यह जरूरी है. उन्होंने कहा कि देश बेईमानों को स्वीकार नहीं करेगा.टिप्पणियां
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
प्रधानमंत्री की रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए और भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती की गई. प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले गाज़ीपुर, आगरा और कुशीनगर में परिवर्तन रैली को संबोधित कर चुके हैं. अधिकारियों ने बताया कि रैली को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. एनआईए के साथ ही यूपी एटीएस भी दो दिन से मुरादाबाद में कैंप कर रही थी. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के रैली ग्राउंड को 25 सेक्टरों में बांटकर 102 मजिस्ट्रेट और 200 से अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया.
बीजेपी के पदाधिकारियों के अनुसार, रैली में रामपुर, अमरोहा, संभल और बिजनौर समेत आसपास के क्षेत्रों के करीब दो लाख लोग आए. रैली को प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, पार्टी उपाध्यक्ष तथा प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने भी संबोधित किया. | सारांश: विकास होगा तो रोजगार आएगा, बच्चों को अच्छी शिक्षा मिलेगा.
जनता को काम का और पैसे का पूरा हिसाब दिया जा रहा है.
मुरादाबाद : 950 गांव में बिजली पहुंचाने का काम पूरा किया गया है. | 31 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: ब्रिटेन के मैनचेस्टर शहर में अमेरिकी स्टार एरियाना ग्रैंड के पॉप कॉन्सर्ट के दौरान हुए विस्फोट में 22 लोगों की मौत हो गई और तकरीबन 59 अन्य लोग घायल हो गए. बताया जा रहा है कि इस हमले में हमलावर की भी मौके पर ही मौत हो गई. बम को डेटोनेट करते समय वह खुद उसकी जद में आ गया. ब्रिटेन में हुई अब तक की सर्वाधिक भयावह आतंकी घटनाओं में से एक इस विस्फोट में बच्चों और किशोरों के भी मारे जान की आशंका है क्योंकि पॉप स्टार के प्रशंसकों में युवाओं की संख्या अधिक है. रात हुए विस्फोट के बाद से ही बच्चों के माता-पिता और रिश्तेदार उनके सलामत होने की खबर का इंतजार कर रहे हैं.
ग्रेटर मैनचेस्टर पुलिस के प्रमुख कांस्टेबल इयाप होपकिंस ने कहा, मेरी संवेदनाएं हमले में मारे गए 22 लोगों एवं 59 घायलों और उनके परिवार के साथ है. हम उनकी सहायता के लिए हर संभव कदम उठाना जारी रखेंगे. ग्रेटर मैनचेस्टर के आठ अस्पतालों में उनका इलाज जारी है. उन्होंने एक बयान में कहा, यह एक तेजी से हो रही जांच है. हम इसे एक आतंकी हमले की तरह देख रहे हैं. हमारा मानना है कि रात हुआ यह हमला एक ही व्यक्ति द्वारा ही किया गया है. हमारी प्राथमिकता यह पता लगाना है कि वह अकेला काम कर रहा था या किसी नेटवर्क के सदस्य के तौर पर. पुलिस ने बताया कि हमलावर एरिना में ही मारा गया. उन्होंने बताया कि उसके पास देसी विस्फोटक मौजूद था जिसका इस्तेमाल उसने धमाका करने के लिए किया.
उधर, नई दिल्ली में मौजूद आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि वे यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि हमले में कोई भारतीय तो हताहत नहीं हुआ है.
भारतीय उच्च आयोग ने यहां ट्वीट किया, हमले में घायल कोई भी भारतीय आज कार्यालय के समय के बाद एचसीआई (भारतीय उच्च आयोग) जन प्रतिक्रिया इकाई से 02076323035 नंबर पर शीघ्र से शीघ्र संपर्क करें. उन्होंने कहा, हमले में प्रभावित लोगों के परिजन एवं दोस्तों के लिए हम जल्द और हेल्पलाइन नंबर शुरू करेंगे. औद्योगिक शहर मैनचेस्टर में बढ़ी संख्या में दक्षिण एशिया के लोग निवास करते हैं.
ब्रितानी प्रधानमंत्री टेरीजा मे ने इसकी निंदा की करते हुए कहा कि उनकी संवेदनाएं पीड़ितों और उनके परिवारों के साथ हैं जिसे ‘‘पुलिस एक भयावह आतंकी हमले के रूप में देख रही है.’’ मे ने कहा कि सरकार मामले से जुड़ा ब्योरा हासिल करने का प्रयास कर रही है.
ब्रिटेन आम चुनाव के कुछ सप्ताह पहले ही यह हमला हुआ. ब्रेक्जिट मुद्दे के कारण आम चुनाव अभियान का माहौल गरमा रहा है. बहरहाल मे और लेबर पार्टी के जेरेमी कोर्बिन ने हमले के बाद चुनाव अभियान स्थगित कर दिया है. ब्रिटिश परिवहन पुलिस ने बताया कि विस्फोट मैनचेस्टर एरिना के फोयर क्षेत्र में हुआ. यहां 21,000 लोग एक साथ एकत्रित हो सकते हैं.
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एरियाना के शो खत्म कर स्टेज से जाने के बाद ही विस्फोट की आवाज सुनी गई. पॉप स्टार एरियाना ग्रैंड के प्रवक्ता ने बताया कि वह सुरिक्षत हैं. 23 वर्षीय एरियाना ग्रैंड अमेरिकी टीवी की किशोर कलाकार रह चुकी हैं और अब एक पॉप स्टार हैं. उन्होंने कहा कि वह ‘टूट’ गई हैं.
एरियाना ने शक्तिशाली बम धमाके के कुछ घंटों बाद ट्वीट किया, मैं टूट गई हूं. मैं दिल से बेहद दुखी हूं. मेरे पास शब्द (अपनी भवनाएं व्यक्त करने के लिए) नहीं हैं. ग्रेटर मैनचेस्टर पुलिस ने भी मैनचेस्टर एरिना के पास कैथड्रल गार्डन क्षेत्र एक संदिग्ध वस्तु पाई, बाद में विस्तृत रूप से जांच किए जाने पर पता चला कि यह केवल वहां फेंका गया बेकार कपड़ा था. उसमें कुछ भी खतरनाक नहीं था.
एरिना के पास सड़क पर सशस्त्र सेना, अधिकारियों के साथ लोगों को पीछे हटाने का काम कर रही है और बम निष्क्रिय इकाइयां भी मौके पर मौजूद है.
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए ‘लेबर पार्टी’ के नेता जेरेमी कोर्बिन ने ट्वीट किया, मैनचेस्टर में भयावह घटना. मेरी संवेदनाएं पीड़ितों के साथ हैं. मैनचेस्टर के मेयर एंडी बर्नहैम ने कहा, मेरी संवेदनाएं उन सभी परिवारों के साथ है जिन्होंने हमले में अपने प्रियजन को खो दिए. हमारी साहसी आपात सेवाओं की मैं सराहना करता हूं. हमारे महान शहर के लिए भयावह रात.’’ प्रत्यक्षदर्शियों ने घटना स्थल से तेज ‘धमाके’ की आवाज सुनने की बात कही है, जहां अमेरिकी पॉप स्टार एरियाना ग्रांडे का कॉन्सर्ट चल रहा था. वीडियो फुटेज में आपात सेवा कर्मी खून में लथपथ पीड़तों की मदद करते नजर आ रहे हैं. प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा, एक धमाके की आवाज सुनाई दी और एरिना के दूसरी ओर से जहां से वह आवाज आई थी, वहां से लोग बेतहाशा भागते हुए हमारी ओर आने लगे.
एक अन्य चश्मदीद ने कहा, कुछ लोग चिल्ला रहे थे उन्होंने खून देखा था लेकिन कुछ अन्य लोगों का कहना है कि यह गुब्बारे के फटने या स्पीकर के फटने की आवाज जैसा था. ब्रिटेन नेटवर्क रेल ने कहा कि मैनचेस्टर विक्टोरिया स्टेशन पर ट्रेनों की कतार लग गई थी. यह स्टेशन कॉन्सर्ट स्थल के पास है.
मैनचेस्टर एरिना शहर का सबसे बड़ा इंडोर वेन्यू है. एरिना फोयर, विक्टोरिया ट्रेन और ट्राम स्टेशन से जुड़ा है, जो शहर के उत्तरी किनारे का प्रमुख केंद्र है. एरिना में नियमित रूप से एरियाना ग्रांडे जैसे सितारों के कॉन्सर्ट होते रहते हैं.टिप्पणियां
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
ग्रेटर मैनचेस्टर पुलिस के प्रमुख कांस्टेबल इयाप होपकिंस ने कहा, मेरी संवेदनाएं हमले में मारे गए 22 लोगों एवं 59 घायलों और उनके परिवार के साथ है. हम उनकी सहायता के लिए हर संभव कदम उठाना जारी रखेंगे. ग्रेटर मैनचेस्टर के आठ अस्पतालों में उनका इलाज जारी है. उन्होंने एक बयान में कहा, यह एक तेजी से हो रही जांच है. हम इसे एक आतंकी हमले की तरह देख रहे हैं. हमारा मानना है कि रात हुआ यह हमला एक ही व्यक्ति द्वारा ही किया गया है. हमारी प्राथमिकता यह पता लगाना है कि वह अकेला काम कर रहा था या किसी नेटवर्क के सदस्य के तौर पर. पुलिस ने बताया कि हमलावर एरिना में ही मारा गया. उन्होंने बताया कि उसके पास देसी विस्फोटक मौजूद था जिसका इस्तेमाल उसने धमाका करने के लिए किया.
उधर, नई दिल्ली में मौजूद आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि वे यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि हमले में कोई भारतीय तो हताहत नहीं हुआ है.
भारतीय उच्च आयोग ने यहां ट्वीट किया, हमले में घायल कोई भी भारतीय आज कार्यालय के समय के बाद एचसीआई (भारतीय उच्च आयोग) जन प्रतिक्रिया इकाई से 02076323035 नंबर पर शीघ्र से शीघ्र संपर्क करें. उन्होंने कहा, हमले में प्रभावित लोगों के परिजन एवं दोस्तों के लिए हम जल्द और हेल्पलाइन नंबर शुरू करेंगे. औद्योगिक शहर मैनचेस्टर में बढ़ी संख्या में दक्षिण एशिया के लोग निवास करते हैं.
ब्रितानी प्रधानमंत्री टेरीजा मे ने इसकी निंदा की करते हुए कहा कि उनकी संवेदनाएं पीड़ितों और उनके परिवारों के साथ हैं जिसे ‘‘पुलिस एक भयावह आतंकी हमले के रूप में देख रही है.’’ मे ने कहा कि सरकार मामले से जुड़ा ब्योरा हासिल करने का प्रयास कर रही है.
ब्रिटेन आम चुनाव के कुछ सप्ताह पहले ही यह हमला हुआ. ब्रेक्जिट मुद्दे के कारण आम चुनाव अभियान का माहौल गरमा रहा है. बहरहाल मे और लेबर पार्टी के जेरेमी कोर्बिन ने हमले के बाद चुनाव अभियान स्थगित कर दिया है. ब्रिटिश परिवहन पुलिस ने बताया कि विस्फोट मैनचेस्टर एरिना के फोयर क्षेत्र में हुआ. यहां 21,000 लोग एक साथ एकत्रित हो सकते हैं.
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एरियाना के शो खत्म कर स्टेज से जाने के बाद ही विस्फोट की आवाज सुनी गई. पॉप स्टार एरियाना ग्रैंड के प्रवक्ता ने बताया कि वह सुरिक्षत हैं. 23 वर्षीय एरियाना ग्रैंड अमेरिकी टीवी की किशोर कलाकार रह चुकी हैं और अब एक पॉप स्टार हैं. उन्होंने कहा कि वह ‘टूट’ गई हैं.
एरियाना ने शक्तिशाली बम धमाके के कुछ घंटों बाद ट्वीट किया, मैं टूट गई हूं. मैं दिल से बेहद दुखी हूं. मेरे पास शब्द (अपनी भवनाएं व्यक्त करने के लिए) नहीं हैं. ग्रेटर मैनचेस्टर पुलिस ने भी मैनचेस्टर एरिना के पास कैथड्रल गार्डन क्षेत्र एक संदिग्ध वस्तु पाई, बाद में विस्तृत रूप से जांच किए जाने पर पता चला कि यह केवल वहां फेंका गया बेकार कपड़ा था. उसमें कुछ भी खतरनाक नहीं था.
एरिना के पास सड़क पर सशस्त्र सेना, अधिकारियों के साथ लोगों को पीछे हटाने का काम कर रही है और बम निष्क्रिय इकाइयां भी मौके पर मौजूद है.
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए ‘लेबर पार्टी’ के नेता जेरेमी कोर्बिन ने ट्वीट किया, मैनचेस्टर में भयावह घटना. मेरी संवेदनाएं पीड़ितों के साथ हैं. मैनचेस्टर के मेयर एंडी बर्नहैम ने कहा, मेरी संवेदनाएं उन सभी परिवारों के साथ है जिन्होंने हमले में अपने प्रियजन को खो दिए. हमारी साहसी आपात सेवाओं की मैं सराहना करता हूं. हमारे महान शहर के लिए भयावह रात.’’ प्रत्यक्षदर्शियों ने घटना स्थल से तेज ‘धमाके’ की आवाज सुनने की बात कही है, जहां अमेरिकी पॉप स्टार एरियाना ग्रांडे का कॉन्सर्ट चल रहा था. वीडियो फुटेज में आपात सेवा कर्मी खून में लथपथ पीड़तों की मदद करते नजर आ रहे हैं. प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा, एक धमाके की आवाज सुनाई दी और एरिना के दूसरी ओर से जहां से वह आवाज आई थी, वहां से लोग बेतहाशा भागते हुए हमारी ओर आने लगे.
एक अन्य चश्मदीद ने कहा, कुछ लोग चिल्ला रहे थे उन्होंने खून देखा था लेकिन कुछ अन्य लोगों का कहना है कि यह गुब्बारे के फटने या स्पीकर के फटने की आवाज जैसा था. ब्रिटेन नेटवर्क रेल ने कहा कि मैनचेस्टर विक्टोरिया स्टेशन पर ट्रेनों की कतार लग गई थी. यह स्टेशन कॉन्सर्ट स्थल के पास है.
मैनचेस्टर एरिना शहर का सबसे बड़ा इंडोर वेन्यू है. एरिना फोयर, विक्टोरिया ट्रेन और ट्राम स्टेशन से जुड़ा है, जो शहर के उत्तरी किनारे का प्रमुख केंद्र है. एरिना में नियमित रूप से एरियाना ग्रांडे जैसे सितारों के कॉन्सर्ट होते रहते हैं.टिप्पणियां
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
उधर, नई दिल्ली में मौजूद आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि वे यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि हमले में कोई भारतीय तो हताहत नहीं हुआ है.
भारतीय उच्च आयोग ने यहां ट्वीट किया, हमले में घायल कोई भी भारतीय आज कार्यालय के समय के बाद एचसीआई (भारतीय उच्च आयोग) जन प्रतिक्रिया इकाई से 02076323035 नंबर पर शीघ्र से शीघ्र संपर्क करें. उन्होंने कहा, हमले में प्रभावित लोगों के परिजन एवं दोस्तों के लिए हम जल्द और हेल्पलाइन नंबर शुरू करेंगे. औद्योगिक शहर मैनचेस्टर में बढ़ी संख्या में दक्षिण एशिया के लोग निवास करते हैं.
ब्रितानी प्रधानमंत्री टेरीजा मे ने इसकी निंदा की करते हुए कहा कि उनकी संवेदनाएं पीड़ितों और उनके परिवारों के साथ हैं जिसे ‘‘पुलिस एक भयावह आतंकी हमले के रूप में देख रही है.’’ मे ने कहा कि सरकार मामले से जुड़ा ब्योरा हासिल करने का प्रयास कर रही है.
ब्रिटेन आम चुनाव के कुछ सप्ताह पहले ही यह हमला हुआ. ब्रेक्जिट मुद्दे के कारण आम चुनाव अभियान का माहौल गरमा रहा है. बहरहाल मे और लेबर पार्टी के जेरेमी कोर्बिन ने हमले के बाद चुनाव अभियान स्थगित कर दिया है. ब्रिटिश परिवहन पुलिस ने बताया कि विस्फोट मैनचेस्टर एरिना के फोयर क्षेत्र में हुआ. यहां 21,000 लोग एक साथ एकत्रित हो सकते हैं.
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एरियाना के शो खत्म कर स्टेज से जाने के बाद ही विस्फोट की आवाज सुनी गई. पॉप स्टार एरियाना ग्रैंड के प्रवक्ता ने बताया कि वह सुरिक्षत हैं. 23 वर्षीय एरियाना ग्रैंड अमेरिकी टीवी की किशोर कलाकार रह चुकी हैं और अब एक पॉप स्टार हैं. उन्होंने कहा कि वह ‘टूट’ गई हैं.
एरियाना ने शक्तिशाली बम धमाके के कुछ घंटों बाद ट्वीट किया, मैं टूट गई हूं. मैं दिल से बेहद दुखी हूं. मेरे पास शब्द (अपनी भवनाएं व्यक्त करने के लिए) नहीं हैं. ग्रेटर मैनचेस्टर पुलिस ने भी मैनचेस्टर एरिना के पास कैथड्रल गार्डन क्षेत्र एक संदिग्ध वस्तु पाई, बाद में विस्तृत रूप से जांच किए जाने पर पता चला कि यह केवल वहां फेंका गया बेकार कपड़ा था. उसमें कुछ भी खतरनाक नहीं था.
एरिना के पास सड़क पर सशस्त्र सेना, अधिकारियों के साथ लोगों को पीछे हटाने का काम कर रही है और बम निष्क्रिय इकाइयां भी मौके पर मौजूद है.
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए ‘लेबर पार्टी’ के नेता जेरेमी कोर्बिन ने ट्वीट किया, मैनचेस्टर में भयावह घटना. मेरी संवेदनाएं पीड़ितों के साथ हैं. मैनचेस्टर के मेयर एंडी बर्नहैम ने कहा, मेरी संवेदनाएं उन सभी परिवारों के साथ है जिन्होंने हमले में अपने प्रियजन को खो दिए. हमारी साहसी आपात सेवाओं की मैं सराहना करता हूं. हमारे महान शहर के लिए भयावह रात.’’ प्रत्यक्षदर्शियों ने घटना स्थल से तेज ‘धमाके’ की आवाज सुनने की बात कही है, जहां अमेरिकी पॉप स्टार एरियाना ग्रांडे का कॉन्सर्ट चल रहा था. वीडियो फुटेज में आपात सेवा कर्मी खून में लथपथ पीड़तों की मदद करते नजर आ रहे हैं. प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा, एक धमाके की आवाज सुनाई दी और एरिना के दूसरी ओर से जहां से वह आवाज आई थी, वहां से लोग बेतहाशा भागते हुए हमारी ओर आने लगे.
एक अन्य चश्मदीद ने कहा, कुछ लोग चिल्ला रहे थे उन्होंने खून देखा था लेकिन कुछ अन्य लोगों का कहना है कि यह गुब्बारे के फटने या स्पीकर के फटने की आवाज जैसा था. ब्रिटेन नेटवर्क रेल ने कहा कि मैनचेस्टर विक्टोरिया स्टेशन पर ट्रेनों की कतार लग गई थी. यह स्टेशन कॉन्सर्ट स्थल के पास है.
मैनचेस्टर एरिना शहर का सबसे बड़ा इंडोर वेन्यू है. एरिना फोयर, विक्टोरिया ट्रेन और ट्राम स्टेशन से जुड़ा है, जो शहर के उत्तरी किनारे का प्रमुख केंद्र है. एरिना में नियमित रूप से एरियाना ग्रांडे जैसे सितारों के कॉन्सर्ट होते रहते हैं.टिप्पणियां
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
भारतीय उच्च आयोग ने यहां ट्वीट किया, हमले में घायल कोई भी भारतीय आज कार्यालय के समय के बाद एचसीआई (भारतीय उच्च आयोग) जन प्रतिक्रिया इकाई से 02076323035 नंबर पर शीघ्र से शीघ्र संपर्क करें. उन्होंने कहा, हमले में प्रभावित लोगों के परिजन एवं दोस्तों के लिए हम जल्द और हेल्पलाइन नंबर शुरू करेंगे. औद्योगिक शहर मैनचेस्टर में बढ़ी संख्या में दक्षिण एशिया के लोग निवास करते हैं.
ब्रितानी प्रधानमंत्री टेरीजा मे ने इसकी निंदा की करते हुए कहा कि उनकी संवेदनाएं पीड़ितों और उनके परिवारों के साथ हैं जिसे ‘‘पुलिस एक भयावह आतंकी हमले के रूप में देख रही है.’’ मे ने कहा कि सरकार मामले से जुड़ा ब्योरा हासिल करने का प्रयास कर रही है.
ब्रिटेन आम चुनाव के कुछ सप्ताह पहले ही यह हमला हुआ. ब्रेक्जिट मुद्दे के कारण आम चुनाव अभियान का माहौल गरमा रहा है. बहरहाल मे और लेबर पार्टी के जेरेमी कोर्बिन ने हमले के बाद चुनाव अभियान स्थगित कर दिया है. ब्रिटिश परिवहन पुलिस ने बताया कि विस्फोट मैनचेस्टर एरिना के फोयर क्षेत्र में हुआ. यहां 21,000 लोग एक साथ एकत्रित हो सकते हैं.
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एरियाना के शो खत्म कर स्टेज से जाने के बाद ही विस्फोट की आवाज सुनी गई. पॉप स्टार एरियाना ग्रैंड के प्रवक्ता ने बताया कि वह सुरिक्षत हैं. 23 वर्षीय एरियाना ग्रैंड अमेरिकी टीवी की किशोर कलाकार रह चुकी हैं और अब एक पॉप स्टार हैं. उन्होंने कहा कि वह ‘टूट’ गई हैं.
एरियाना ने शक्तिशाली बम धमाके के कुछ घंटों बाद ट्वीट किया, मैं टूट गई हूं. मैं दिल से बेहद दुखी हूं. मेरे पास शब्द (अपनी भवनाएं व्यक्त करने के लिए) नहीं हैं. ग्रेटर मैनचेस्टर पुलिस ने भी मैनचेस्टर एरिना के पास कैथड्रल गार्डन क्षेत्र एक संदिग्ध वस्तु पाई, बाद में विस्तृत रूप से जांच किए जाने पर पता चला कि यह केवल वहां फेंका गया बेकार कपड़ा था. उसमें कुछ भी खतरनाक नहीं था.
एरिना के पास सड़क पर सशस्त्र सेना, अधिकारियों के साथ लोगों को पीछे हटाने का काम कर रही है और बम निष्क्रिय इकाइयां भी मौके पर मौजूद है.
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए ‘लेबर पार्टी’ के नेता जेरेमी कोर्बिन ने ट्वीट किया, मैनचेस्टर में भयावह घटना. मेरी संवेदनाएं पीड़ितों के साथ हैं. मैनचेस्टर के मेयर एंडी बर्नहैम ने कहा, मेरी संवेदनाएं उन सभी परिवारों के साथ है जिन्होंने हमले में अपने प्रियजन को खो दिए. हमारी साहसी आपात सेवाओं की मैं सराहना करता हूं. हमारे महान शहर के लिए भयावह रात.’’ प्रत्यक्षदर्शियों ने घटना स्थल से तेज ‘धमाके’ की आवाज सुनने की बात कही है, जहां अमेरिकी पॉप स्टार एरियाना ग्रांडे का कॉन्सर्ट चल रहा था. वीडियो फुटेज में आपात सेवा कर्मी खून में लथपथ पीड़तों की मदद करते नजर आ रहे हैं. प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा, एक धमाके की आवाज सुनाई दी और एरिना के दूसरी ओर से जहां से वह आवाज आई थी, वहां से लोग बेतहाशा भागते हुए हमारी ओर आने लगे.
एक अन्य चश्मदीद ने कहा, कुछ लोग चिल्ला रहे थे उन्होंने खून देखा था लेकिन कुछ अन्य लोगों का कहना है कि यह गुब्बारे के फटने या स्पीकर के फटने की आवाज जैसा था. ब्रिटेन नेटवर्क रेल ने कहा कि मैनचेस्टर विक्टोरिया स्टेशन पर ट्रेनों की कतार लग गई थी. यह स्टेशन कॉन्सर्ट स्थल के पास है.
मैनचेस्टर एरिना शहर का सबसे बड़ा इंडोर वेन्यू है. एरिना फोयर, विक्टोरिया ट्रेन और ट्राम स्टेशन से जुड़ा है, जो शहर के उत्तरी किनारे का प्रमुख केंद्र है. एरिना में नियमित रूप से एरियाना ग्रांडे जैसे सितारों के कॉन्सर्ट होते रहते हैं.टिप्पणियां
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
ब्रितानी प्रधानमंत्री टेरीजा मे ने इसकी निंदा की करते हुए कहा कि उनकी संवेदनाएं पीड़ितों और उनके परिवारों के साथ हैं जिसे ‘‘पुलिस एक भयावह आतंकी हमले के रूप में देख रही है.’’ मे ने कहा कि सरकार मामले से जुड़ा ब्योरा हासिल करने का प्रयास कर रही है.
ब्रिटेन आम चुनाव के कुछ सप्ताह पहले ही यह हमला हुआ. ब्रेक्जिट मुद्दे के कारण आम चुनाव अभियान का माहौल गरमा रहा है. बहरहाल मे और लेबर पार्टी के जेरेमी कोर्बिन ने हमले के बाद चुनाव अभियान स्थगित कर दिया है. ब्रिटिश परिवहन पुलिस ने बताया कि विस्फोट मैनचेस्टर एरिना के फोयर क्षेत्र में हुआ. यहां 21,000 लोग एक साथ एकत्रित हो सकते हैं.
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एरियाना के शो खत्म कर स्टेज से जाने के बाद ही विस्फोट की आवाज सुनी गई. पॉप स्टार एरियाना ग्रैंड के प्रवक्ता ने बताया कि वह सुरिक्षत हैं. 23 वर्षीय एरियाना ग्रैंड अमेरिकी टीवी की किशोर कलाकार रह चुकी हैं और अब एक पॉप स्टार हैं. उन्होंने कहा कि वह ‘टूट’ गई हैं.
एरियाना ने शक्तिशाली बम धमाके के कुछ घंटों बाद ट्वीट किया, मैं टूट गई हूं. मैं दिल से बेहद दुखी हूं. मेरे पास शब्द (अपनी भवनाएं व्यक्त करने के लिए) नहीं हैं. ग्रेटर मैनचेस्टर पुलिस ने भी मैनचेस्टर एरिना के पास कैथड्रल गार्डन क्षेत्र एक संदिग्ध वस्तु पाई, बाद में विस्तृत रूप से जांच किए जाने पर पता चला कि यह केवल वहां फेंका गया बेकार कपड़ा था. उसमें कुछ भी खतरनाक नहीं था.
एरिना के पास सड़क पर सशस्त्र सेना, अधिकारियों के साथ लोगों को पीछे हटाने का काम कर रही है और बम निष्क्रिय इकाइयां भी मौके पर मौजूद है.
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए ‘लेबर पार्टी’ के नेता जेरेमी कोर्बिन ने ट्वीट किया, मैनचेस्टर में भयावह घटना. मेरी संवेदनाएं पीड़ितों के साथ हैं. मैनचेस्टर के मेयर एंडी बर्नहैम ने कहा, मेरी संवेदनाएं उन सभी परिवारों के साथ है जिन्होंने हमले में अपने प्रियजन को खो दिए. हमारी साहसी आपात सेवाओं की मैं सराहना करता हूं. हमारे महान शहर के लिए भयावह रात.’’ प्रत्यक्षदर्शियों ने घटना स्थल से तेज ‘धमाके’ की आवाज सुनने की बात कही है, जहां अमेरिकी पॉप स्टार एरियाना ग्रांडे का कॉन्सर्ट चल रहा था. वीडियो फुटेज में आपात सेवा कर्मी खून में लथपथ पीड़तों की मदद करते नजर आ रहे हैं. प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा, एक धमाके की आवाज सुनाई दी और एरिना के दूसरी ओर से जहां से वह आवाज आई थी, वहां से लोग बेतहाशा भागते हुए हमारी ओर आने लगे.
एक अन्य चश्मदीद ने कहा, कुछ लोग चिल्ला रहे थे उन्होंने खून देखा था लेकिन कुछ अन्य लोगों का कहना है कि यह गुब्बारे के फटने या स्पीकर के फटने की आवाज जैसा था. ब्रिटेन नेटवर्क रेल ने कहा कि मैनचेस्टर विक्टोरिया स्टेशन पर ट्रेनों की कतार लग गई थी. यह स्टेशन कॉन्सर्ट स्थल के पास है.
मैनचेस्टर एरिना शहर का सबसे बड़ा इंडोर वेन्यू है. एरिना फोयर, विक्टोरिया ट्रेन और ट्राम स्टेशन से जुड़ा है, जो शहर के उत्तरी किनारे का प्रमुख केंद्र है. एरिना में नियमित रूप से एरियाना ग्रांडे जैसे सितारों के कॉन्सर्ट होते रहते हैं.टिप्पणियां
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
ब्रिटेन आम चुनाव के कुछ सप्ताह पहले ही यह हमला हुआ. ब्रेक्जिट मुद्दे के कारण आम चुनाव अभियान का माहौल गरमा रहा है. बहरहाल मे और लेबर पार्टी के जेरेमी कोर्बिन ने हमले के बाद चुनाव अभियान स्थगित कर दिया है. ब्रिटिश परिवहन पुलिस ने बताया कि विस्फोट मैनचेस्टर एरिना के फोयर क्षेत्र में हुआ. यहां 21,000 लोग एक साथ एकत्रित हो सकते हैं.
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एरियाना के शो खत्म कर स्टेज से जाने के बाद ही विस्फोट की आवाज सुनी गई. पॉप स्टार एरियाना ग्रैंड के प्रवक्ता ने बताया कि वह सुरिक्षत हैं. 23 वर्षीय एरियाना ग्रैंड अमेरिकी टीवी की किशोर कलाकार रह चुकी हैं और अब एक पॉप स्टार हैं. उन्होंने कहा कि वह ‘टूट’ गई हैं.
एरियाना ने शक्तिशाली बम धमाके के कुछ घंटों बाद ट्वीट किया, मैं टूट गई हूं. मैं दिल से बेहद दुखी हूं. मेरे पास शब्द (अपनी भवनाएं व्यक्त करने के लिए) नहीं हैं. ग्रेटर मैनचेस्टर पुलिस ने भी मैनचेस्टर एरिना के पास कैथड्रल गार्डन क्षेत्र एक संदिग्ध वस्तु पाई, बाद में विस्तृत रूप से जांच किए जाने पर पता चला कि यह केवल वहां फेंका गया बेकार कपड़ा था. उसमें कुछ भी खतरनाक नहीं था.
एरिना के पास सड़क पर सशस्त्र सेना, अधिकारियों के साथ लोगों को पीछे हटाने का काम कर रही है और बम निष्क्रिय इकाइयां भी मौके पर मौजूद है.
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए ‘लेबर पार्टी’ के नेता जेरेमी कोर्बिन ने ट्वीट किया, मैनचेस्टर में भयावह घटना. मेरी संवेदनाएं पीड़ितों के साथ हैं. मैनचेस्टर के मेयर एंडी बर्नहैम ने कहा, मेरी संवेदनाएं उन सभी परिवारों के साथ है जिन्होंने हमले में अपने प्रियजन को खो दिए. हमारी साहसी आपात सेवाओं की मैं सराहना करता हूं. हमारे महान शहर के लिए भयावह रात.’’ प्रत्यक्षदर्शियों ने घटना स्थल से तेज ‘धमाके’ की आवाज सुनने की बात कही है, जहां अमेरिकी पॉप स्टार एरियाना ग्रांडे का कॉन्सर्ट चल रहा था. वीडियो फुटेज में आपात सेवा कर्मी खून में लथपथ पीड़तों की मदद करते नजर आ रहे हैं. प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा, एक धमाके की आवाज सुनाई दी और एरिना के दूसरी ओर से जहां से वह आवाज आई थी, वहां से लोग बेतहाशा भागते हुए हमारी ओर आने लगे.
एक अन्य चश्मदीद ने कहा, कुछ लोग चिल्ला रहे थे उन्होंने खून देखा था लेकिन कुछ अन्य लोगों का कहना है कि यह गुब्बारे के फटने या स्पीकर के फटने की आवाज जैसा था. ब्रिटेन नेटवर्क रेल ने कहा कि मैनचेस्टर विक्टोरिया स्टेशन पर ट्रेनों की कतार लग गई थी. यह स्टेशन कॉन्सर्ट स्थल के पास है.
मैनचेस्टर एरिना शहर का सबसे बड़ा इंडोर वेन्यू है. एरिना फोयर, विक्टोरिया ट्रेन और ट्राम स्टेशन से जुड़ा है, जो शहर के उत्तरी किनारे का प्रमुख केंद्र है. एरिना में नियमित रूप से एरियाना ग्रांडे जैसे सितारों के कॉन्सर्ट होते रहते हैं.टिप्पणियां
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एरियाना के शो खत्म कर स्टेज से जाने के बाद ही विस्फोट की आवाज सुनी गई. पॉप स्टार एरियाना ग्रैंड के प्रवक्ता ने बताया कि वह सुरिक्षत हैं. 23 वर्षीय एरियाना ग्रैंड अमेरिकी टीवी की किशोर कलाकार रह चुकी हैं और अब एक पॉप स्टार हैं. उन्होंने कहा कि वह ‘टूट’ गई हैं.
एरियाना ने शक्तिशाली बम धमाके के कुछ घंटों बाद ट्वीट किया, मैं टूट गई हूं. मैं दिल से बेहद दुखी हूं. मेरे पास शब्द (अपनी भवनाएं व्यक्त करने के लिए) नहीं हैं. ग्रेटर मैनचेस्टर पुलिस ने भी मैनचेस्टर एरिना के पास कैथड्रल गार्डन क्षेत्र एक संदिग्ध वस्तु पाई, बाद में विस्तृत रूप से जांच किए जाने पर पता चला कि यह केवल वहां फेंका गया बेकार कपड़ा था. उसमें कुछ भी खतरनाक नहीं था.
एरिना के पास सड़क पर सशस्त्र सेना, अधिकारियों के साथ लोगों को पीछे हटाने का काम कर रही है और बम निष्क्रिय इकाइयां भी मौके पर मौजूद है.
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए ‘लेबर पार्टी’ के नेता जेरेमी कोर्बिन ने ट्वीट किया, मैनचेस्टर में भयावह घटना. मेरी संवेदनाएं पीड़ितों के साथ हैं. मैनचेस्टर के मेयर एंडी बर्नहैम ने कहा, मेरी संवेदनाएं उन सभी परिवारों के साथ है जिन्होंने हमले में अपने प्रियजन को खो दिए. हमारी साहसी आपात सेवाओं की मैं सराहना करता हूं. हमारे महान शहर के लिए भयावह रात.’’ प्रत्यक्षदर्शियों ने घटना स्थल से तेज ‘धमाके’ की आवाज सुनने की बात कही है, जहां अमेरिकी पॉप स्टार एरियाना ग्रांडे का कॉन्सर्ट चल रहा था. वीडियो फुटेज में आपात सेवा कर्मी खून में लथपथ पीड़तों की मदद करते नजर आ रहे हैं. प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा, एक धमाके की आवाज सुनाई दी और एरिना के दूसरी ओर से जहां से वह आवाज आई थी, वहां से लोग बेतहाशा भागते हुए हमारी ओर आने लगे.
एक अन्य चश्मदीद ने कहा, कुछ लोग चिल्ला रहे थे उन्होंने खून देखा था लेकिन कुछ अन्य लोगों का कहना है कि यह गुब्बारे के फटने या स्पीकर के फटने की आवाज जैसा था. ब्रिटेन नेटवर्क रेल ने कहा कि मैनचेस्टर विक्टोरिया स्टेशन पर ट्रेनों की कतार लग गई थी. यह स्टेशन कॉन्सर्ट स्थल के पास है.
मैनचेस्टर एरिना शहर का सबसे बड़ा इंडोर वेन्यू है. एरिना फोयर, विक्टोरिया ट्रेन और ट्राम स्टेशन से जुड़ा है, जो शहर के उत्तरी किनारे का प्रमुख केंद्र है. एरिना में नियमित रूप से एरियाना ग्रांडे जैसे सितारों के कॉन्सर्ट होते रहते हैं.टिप्पणियां
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
एरियाना ने शक्तिशाली बम धमाके के कुछ घंटों बाद ट्वीट किया, मैं टूट गई हूं. मैं दिल से बेहद दुखी हूं. मेरे पास शब्द (अपनी भवनाएं व्यक्त करने के लिए) नहीं हैं. ग्रेटर मैनचेस्टर पुलिस ने भी मैनचेस्टर एरिना के पास कैथड्रल गार्डन क्षेत्र एक संदिग्ध वस्तु पाई, बाद में विस्तृत रूप से जांच किए जाने पर पता चला कि यह केवल वहां फेंका गया बेकार कपड़ा था. उसमें कुछ भी खतरनाक नहीं था.
एरिना के पास सड़क पर सशस्त्र सेना, अधिकारियों के साथ लोगों को पीछे हटाने का काम कर रही है और बम निष्क्रिय इकाइयां भी मौके पर मौजूद है.
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए ‘लेबर पार्टी’ के नेता जेरेमी कोर्बिन ने ट्वीट किया, मैनचेस्टर में भयावह घटना. मेरी संवेदनाएं पीड़ितों के साथ हैं. मैनचेस्टर के मेयर एंडी बर्नहैम ने कहा, मेरी संवेदनाएं उन सभी परिवारों के साथ है जिन्होंने हमले में अपने प्रियजन को खो दिए. हमारी साहसी आपात सेवाओं की मैं सराहना करता हूं. हमारे महान शहर के लिए भयावह रात.’’ प्रत्यक्षदर्शियों ने घटना स्थल से तेज ‘धमाके’ की आवाज सुनने की बात कही है, जहां अमेरिकी पॉप स्टार एरियाना ग्रांडे का कॉन्सर्ट चल रहा था. वीडियो फुटेज में आपात सेवा कर्मी खून में लथपथ पीड़तों की मदद करते नजर आ रहे हैं. प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा, एक धमाके की आवाज सुनाई दी और एरिना के दूसरी ओर से जहां से वह आवाज आई थी, वहां से लोग बेतहाशा भागते हुए हमारी ओर आने लगे.
एक अन्य चश्मदीद ने कहा, कुछ लोग चिल्ला रहे थे उन्होंने खून देखा था लेकिन कुछ अन्य लोगों का कहना है कि यह गुब्बारे के फटने या स्पीकर के फटने की आवाज जैसा था. ब्रिटेन नेटवर्क रेल ने कहा कि मैनचेस्टर विक्टोरिया स्टेशन पर ट्रेनों की कतार लग गई थी. यह स्टेशन कॉन्सर्ट स्थल के पास है.
मैनचेस्टर एरिना शहर का सबसे बड़ा इंडोर वेन्यू है. एरिना फोयर, विक्टोरिया ट्रेन और ट्राम स्टेशन से जुड़ा है, जो शहर के उत्तरी किनारे का प्रमुख केंद्र है. एरिना में नियमित रूप से एरियाना ग्रांडे जैसे सितारों के कॉन्सर्ट होते रहते हैं.टिप्पणियां
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
एरिना के पास सड़क पर सशस्त्र सेना, अधिकारियों के साथ लोगों को पीछे हटाने का काम कर रही है और बम निष्क्रिय इकाइयां भी मौके पर मौजूद है.
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए ‘लेबर पार्टी’ के नेता जेरेमी कोर्बिन ने ट्वीट किया, मैनचेस्टर में भयावह घटना. मेरी संवेदनाएं पीड़ितों के साथ हैं. मैनचेस्टर के मेयर एंडी बर्नहैम ने कहा, मेरी संवेदनाएं उन सभी परिवारों के साथ है जिन्होंने हमले में अपने प्रियजन को खो दिए. हमारी साहसी आपात सेवाओं की मैं सराहना करता हूं. हमारे महान शहर के लिए भयावह रात.’’ प्रत्यक्षदर्शियों ने घटना स्थल से तेज ‘धमाके’ की आवाज सुनने की बात कही है, जहां अमेरिकी पॉप स्टार एरियाना ग्रांडे का कॉन्सर्ट चल रहा था. वीडियो फुटेज में आपात सेवा कर्मी खून में लथपथ पीड़तों की मदद करते नजर आ रहे हैं. प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा, एक धमाके की आवाज सुनाई दी और एरिना के दूसरी ओर से जहां से वह आवाज आई थी, वहां से लोग बेतहाशा भागते हुए हमारी ओर आने लगे.
एक अन्य चश्मदीद ने कहा, कुछ लोग चिल्ला रहे थे उन्होंने खून देखा था लेकिन कुछ अन्य लोगों का कहना है कि यह गुब्बारे के फटने या स्पीकर के फटने की आवाज जैसा था. ब्रिटेन नेटवर्क रेल ने कहा कि मैनचेस्टर विक्टोरिया स्टेशन पर ट्रेनों की कतार लग गई थी. यह स्टेशन कॉन्सर्ट स्थल के पास है.
मैनचेस्टर एरिना शहर का सबसे बड़ा इंडोर वेन्यू है. एरिना फोयर, विक्टोरिया ट्रेन और ट्राम स्टेशन से जुड़ा है, जो शहर के उत्तरी किनारे का प्रमुख केंद्र है. एरिना में नियमित रूप से एरियाना ग्रांडे जैसे सितारों के कॉन्सर्ट होते रहते हैं.टिप्पणियां
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए ‘लेबर पार्टी’ के नेता जेरेमी कोर्बिन ने ट्वीट किया, मैनचेस्टर में भयावह घटना. मेरी संवेदनाएं पीड़ितों के साथ हैं. मैनचेस्टर के मेयर एंडी बर्नहैम ने कहा, मेरी संवेदनाएं उन सभी परिवारों के साथ है जिन्होंने हमले में अपने प्रियजन को खो दिए. हमारी साहसी आपात सेवाओं की मैं सराहना करता हूं. हमारे महान शहर के लिए भयावह रात.’’ प्रत्यक्षदर्शियों ने घटना स्थल से तेज ‘धमाके’ की आवाज सुनने की बात कही है, जहां अमेरिकी पॉप स्टार एरियाना ग्रांडे का कॉन्सर्ट चल रहा था. वीडियो फुटेज में आपात सेवा कर्मी खून में लथपथ पीड़तों की मदद करते नजर आ रहे हैं. प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा, एक धमाके की आवाज सुनाई दी और एरिना के दूसरी ओर से जहां से वह आवाज आई थी, वहां से लोग बेतहाशा भागते हुए हमारी ओर आने लगे.
एक अन्य चश्मदीद ने कहा, कुछ लोग चिल्ला रहे थे उन्होंने खून देखा था लेकिन कुछ अन्य लोगों का कहना है कि यह गुब्बारे के फटने या स्पीकर के फटने की आवाज जैसा था. ब्रिटेन नेटवर्क रेल ने कहा कि मैनचेस्टर विक्टोरिया स्टेशन पर ट्रेनों की कतार लग गई थी. यह स्टेशन कॉन्सर्ट स्थल के पास है.
मैनचेस्टर एरिना शहर का सबसे बड़ा इंडोर वेन्यू है. एरिना फोयर, विक्टोरिया ट्रेन और ट्राम स्टेशन से जुड़ा है, जो शहर के उत्तरी किनारे का प्रमुख केंद्र है. एरिना में नियमित रूप से एरियाना ग्रांडे जैसे सितारों के कॉन्सर्ट होते रहते हैं.टिप्पणियां
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
एक अन्य चश्मदीद ने कहा, कुछ लोग चिल्ला रहे थे उन्होंने खून देखा था लेकिन कुछ अन्य लोगों का कहना है कि यह गुब्बारे के फटने या स्पीकर के फटने की आवाज जैसा था. ब्रिटेन नेटवर्क रेल ने कहा कि मैनचेस्टर विक्टोरिया स्टेशन पर ट्रेनों की कतार लग गई थी. यह स्टेशन कॉन्सर्ट स्थल के पास है.
मैनचेस्टर एरिना शहर का सबसे बड़ा इंडोर वेन्यू है. एरिना फोयर, विक्टोरिया ट्रेन और ट्राम स्टेशन से जुड़ा है, जो शहर के उत्तरी किनारे का प्रमुख केंद्र है. एरिना में नियमित रूप से एरियाना ग्रांडे जैसे सितारों के कॉन्सर्ट होते रहते हैं.टिप्पणियां
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
मैनचेस्टर एरिना शहर का सबसे बड़ा इंडोर वेन्यू है. एरिना फोयर, विक्टोरिया ट्रेन और ट्राम स्टेशन से जुड़ा है, जो शहर के उत्तरी किनारे का प्रमुख केंद्र है. एरिना में नियमित रूप से एरियाना ग्रांडे जैसे सितारों के कॉन्सर्ट होते रहते हैं.टिप्पणियां
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
लंदन के वेस्टमिंस्टर ब्रिज पर चार लोगों पर कार चढ़ाने और देश की संसद के द्वार पर एक पुलिस अधिकारी की छुरा घोंप कर हत्या करने की घटना के दो माह बाद कल रात यह विस्फोट की घटना हुई है. लंदन में 7 जुलाई 2005 को हुए घातक आतंकी हमले के बाद यह देश में हुआ दूसरा सबसे बड़ा हमला है, उसमें मंध्य लदन में सिलसिलेवार आतंकी आत्मघाती बम विस्फोट किए गए थे. हमले में व्यस्त समय में सार्वजनिक परिवहन प्रणाली का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बनाया गया था. इन धमाकों में 52 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।) | सारांश: बम को डेटोनेट करते समय वह खुद उसकी जद में आ गया
ब्रिटेन में अब तक की सर्वाधिक भयावह आतंकी घटना
बच्चे और किशोर सबसे ज्यादा प्रभावित | 5 | ['hin'] |
इस के लिए एक सारांश बनाएं: पाकिस्तान में भारतीय उच्चायुक्त द्वारा दी गई इफ्तार पार्टी में मेहमानों से बदतमीजी का मामला गरमा गया है. भारत ने एक तरीके से इफ्तार पार्टी न होने देने की भारत ने रविवार को निंदा की और कहा कि इसने 'सभ्य व्यवहार की सभी बातों का उल्लंघन' किया है. भारत ने पाकिस्तान से इस मामले की 'त्वरित जांच' के लिए कहा है. भारतीय उच्चायोग की तरफ से यहां जारी बयान में कहा गया है, "एक जून को घटी निराशाजनक घटनाओं की श्रृंखला न केवल कूटनीतिक व्यवहार की मूलभूत बातों का बल्कि सभ्य व्यवहार की सभी बातों का भी उल्लंघन है".
बयान में कहा गया है, "राजनयिकों और पाकिस्तान में भारतीय उच्चायोग के अधिकारियों को धमकी और दबाव के जरिए उन्हें उनके कूटनीतिक कामों को नहीं करने देना हमारे द्विपक्षीय संबंधों के लिए पूरी तरह से विपरीत प्रभाव डालने वाला है". भारतीय उच्चायुक्त अजय बिसारिया ने शनिवार को यहां होटल सेरेना में इफ्तार पार्टी दी थी. पाकिस्तानी सुरक्षाकर्मियों ने पार्टी में मेहमानों को आने से जबर रोका जिनमें अधिकांश पाकिस्तानी थे. सुरक्षाकर्मियों ने भारतीय राजनयिकों के साथ भी बदसलूकी की. बयान में कहा गया है कि पार्टी में आने वालों को धमकाने पर भारत ने पाकिस्तान से अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया है. | यह एक सारांश है: भारतीय उच्चायुक्त ने दी थी इफ्तार पार्टी
पाकिस्तान ने की मेहमानों के साथ बदसलूकी
भारत ने की निंदा, जताया कड़ा विरोध | 16 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: सहारा समूह पर शिकंजा कसते हुए बाजार नियामक सेबी ने सहारा समूह के प्रमुख सुब्रत राय और अन्य तीन शीर्ष कार्यकारियों को 8 अप्रैल तक अपनी परिसंपत्तियों, बैंक खातों और कर रिटर्न का ब्यौरा जमा कराने और 10 अप्रैल को व्यक्तिगत तौर पर पेश होने को कहा।
यह ब्यौरा सहारा समूह की दो कंपनियों और उनके शीर्ष अधिकारियों के खिलाफ कुर्की के आदेश पर आगे की कार्रवाई के संबंध में मांगा है ताकि इनकी संपत्तियों को बेचकर इन कंपनियों के बांडों में निवेश करने वाले निवेशकों का पैसा लौटाया जा सके।टिप्पणियां
सेबी ने जारी अपने आदेश में कहा कि अगर सुब्रत राय, अशोक रायचौधरी, रवि शंकर दूबे और वंदना भार्गव उसके सामने हाजिर न हुए तो वह उन्हें सुने बिना ही एक तरफा बिक्री की कार्रवाई की शर्तें निर्धारित कर देगा।
सेबी ने सहारा समूह की दो कंपनियों सहारा इंडिया रीयल एस्टेट कारपोरेशन और सहारा हाउसिंग इनवेस्टमेंट कारपोरेशन की संपत्तियों, बैंक खातों और अन्य वित्तीय सूचना की जानकारी तलब की है।
यह ब्यौरा सहारा समूह की दो कंपनियों और उनके शीर्ष अधिकारियों के खिलाफ कुर्की के आदेश पर आगे की कार्रवाई के संबंध में मांगा है ताकि इनकी संपत्तियों को बेचकर इन कंपनियों के बांडों में निवेश करने वाले निवेशकों का पैसा लौटाया जा सके।टिप्पणियां
सेबी ने जारी अपने आदेश में कहा कि अगर सुब्रत राय, अशोक रायचौधरी, रवि शंकर दूबे और वंदना भार्गव उसके सामने हाजिर न हुए तो वह उन्हें सुने बिना ही एक तरफा बिक्री की कार्रवाई की शर्तें निर्धारित कर देगा।
सेबी ने सहारा समूह की दो कंपनियों सहारा इंडिया रीयल एस्टेट कारपोरेशन और सहारा हाउसिंग इनवेस्टमेंट कारपोरेशन की संपत्तियों, बैंक खातों और अन्य वित्तीय सूचना की जानकारी तलब की है।
सेबी ने जारी अपने आदेश में कहा कि अगर सुब्रत राय, अशोक रायचौधरी, रवि शंकर दूबे और वंदना भार्गव उसके सामने हाजिर न हुए तो वह उन्हें सुने बिना ही एक तरफा बिक्री की कार्रवाई की शर्तें निर्धारित कर देगा।
सेबी ने सहारा समूह की दो कंपनियों सहारा इंडिया रीयल एस्टेट कारपोरेशन और सहारा हाउसिंग इनवेस्टमेंट कारपोरेशन की संपत्तियों, बैंक खातों और अन्य वित्तीय सूचना की जानकारी तलब की है।
सेबी ने सहारा समूह की दो कंपनियों सहारा इंडिया रीयल एस्टेट कारपोरेशन और सहारा हाउसिंग इनवेस्टमेंट कारपोरेशन की संपत्तियों, बैंक खातों और अन्य वित्तीय सूचना की जानकारी तलब की है। | दिए गए पाठ का सारांश यह हो सकता है: सहारा समूह पर शिकंजा कसते हुए बाजार नियामक सेबी ने सहारा समूह के प्रमुख सुब्रत राय और अन्य तीन शीर्ष कार्यकारियों को 8 अप्रैल तक अपनी परिसंपत्तियों, बैंक खातों और कर रिटर्न का ब्यौरा जमा कराने और 10 अप्रैल को व्यक्तिगत तौर पर पेश होने को कहा। | 32 | ['hin'] |
एक सारांश बनाओ: टीम इंडिया के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली द्वारा लॉर्ड्स की बालकनी से शर्ट लहराकर जीत का जश्न मनाने को भारतीय क्रिकेट इतिहास की यादगार घटना माना जा सकता है. सौरव ने वर्ष 2002 की नेटवेस्ट ट्रॉफी के फाइनल के दौरान ऐतिहासिक लार्ड्स ग्राउंड की बालकनी के जश्न के अंदाज में अपनी शर्ट लहराई थी. इस घटना को 15 साल गुजर चुके हैं लेकिन इंग्लैंड में ही चैंपियंस ट्रॉफी-2017 के दौरान केनिंग्सटन ओवल में भारत और श्रीलंका के बीच हुए मैच के दौरान इस घटना की याद ताजा की गई.टिप्पणियां
दरअसल हुआ यह कि इंग्लैंड के पूर्व कप्तान माइक एथरटन ने इंग्लैंड के पूर्व क्रिकेटर एंड्रयू फ्लिंटाफ को मैदान में देखा. फिर क्या था एथरटन ने तुरंत अपने साथी कमेंटेटर सौरव गांगुली से मुखातिब होते हुए कहा, 'फ्लिंटाफ मैदान मैं हैं. सौरव अपनी शर्ट निकालकर इसे जश्न के अंदाज में लहराना शुरू मत कर देना. उसने (फ्लिंटाफ ने) एक बार मैदान में शर्ट लहराई थी और इसके कारण आपको लार्ड्स में ऐसा करने के लिए मजबूर होना पड़ा. क्रिकेट के मक्का लार्ड्स के यह सबसे खराब लम्हों में से एक था.' हालांकि एथरटन की बात से सौरव पर कोई खास असर नहीं पड़ा. उन्होंने पूछ लिया-क्या आप वाकई ऐसा समझते हैं.
गौरतलब है कि सौरव गांगुली ने बालकनी से शर्ट लहराने का काम एंड्रयू फ्लिंटाफ के ऐसे व्यवहार की प्रतिक्रिया में किया था. भारत और इंग्लैंड के बीच मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में हुए मैच में इंग्लैंड की जीत के बाद फ्लिंटाफ ने अपनी शर्ट उतारकर इसे लहराते हुए जश्न मनाया था. इस घटना की याद गांगुली के दिमाग में ताजा थी. जब टीम इंडिया ने नेटवेस्ट ट्रॉफी के फाइनल में इंग्लैंड पर दो विकेट की यादगार जीत हासिल की तो सौरव ने ऐसा ही करते हुए जीत को सेलिब्रेट किया था. गौरतलब है कि चैंपियंस ट्रॉफी के अंतर्गत कल हुए मैच में टीम इंडिया को श्रीलंका के हाथों सात विकेट की हार का सामना करना पड़ा था.
दरअसल हुआ यह कि इंग्लैंड के पूर्व कप्तान माइक एथरटन ने इंग्लैंड के पूर्व क्रिकेटर एंड्रयू फ्लिंटाफ को मैदान में देखा. फिर क्या था एथरटन ने तुरंत अपने साथी कमेंटेटर सौरव गांगुली से मुखातिब होते हुए कहा, 'फ्लिंटाफ मैदान मैं हैं. सौरव अपनी शर्ट निकालकर इसे जश्न के अंदाज में लहराना शुरू मत कर देना. उसने (फ्लिंटाफ ने) एक बार मैदान में शर्ट लहराई थी और इसके कारण आपको लार्ड्स में ऐसा करने के लिए मजबूर होना पड़ा. क्रिकेट के मक्का लार्ड्स के यह सबसे खराब लम्हों में से एक था.' हालांकि एथरटन की बात से सौरव पर कोई खास असर नहीं पड़ा. उन्होंने पूछ लिया-क्या आप वाकई ऐसा समझते हैं.
गौरतलब है कि सौरव गांगुली ने बालकनी से शर्ट लहराने का काम एंड्रयू फ्लिंटाफ के ऐसे व्यवहार की प्रतिक्रिया में किया था. भारत और इंग्लैंड के बीच मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में हुए मैच में इंग्लैंड की जीत के बाद फ्लिंटाफ ने अपनी शर्ट उतारकर इसे लहराते हुए जश्न मनाया था. इस घटना की याद गांगुली के दिमाग में ताजा थी. जब टीम इंडिया ने नेटवेस्ट ट्रॉफी के फाइनल में इंग्लैंड पर दो विकेट की यादगार जीत हासिल की तो सौरव ने ऐसा ही करते हुए जीत को सेलिब्रेट किया था. गौरतलब है कि चैंपियंस ट्रॉफी के अंतर्गत कल हुए मैच में टीम इंडिया को श्रीलंका के हाथों सात विकेट की हार का सामना करना पड़ा था.
गौरतलब है कि सौरव गांगुली ने बालकनी से शर्ट लहराने का काम एंड्रयू फ्लिंटाफ के ऐसे व्यवहार की प्रतिक्रिया में किया था. भारत और इंग्लैंड के बीच मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में हुए मैच में इंग्लैंड की जीत के बाद फ्लिंटाफ ने अपनी शर्ट उतारकर इसे लहराते हुए जश्न मनाया था. इस घटना की याद गांगुली के दिमाग में ताजा थी. जब टीम इंडिया ने नेटवेस्ट ट्रॉफी के फाइनल में इंग्लैंड पर दो विकेट की यादगार जीत हासिल की तो सौरव ने ऐसा ही करते हुए जीत को सेलिब्रेट किया था. गौरतलब है कि चैंपियंस ट्रॉफी के अंतर्गत कल हुए मैच में टीम इंडिया को श्रीलंका के हाथों सात विकेट की हार का सामना करना पड़ा था. | संक्षिप्त पाठ: नेटवेस्ट ट्रॉफी के फाइनल के बाद सौरव ने जश्न में लहराई थी शर्ट
इंग्लैंड के फ्लिंटाफ के पूर्व के व्यवहार के जवाब में किया था ऐसा
भारत-श्रीलंका मैच के दौरान एथरटन ने ली सौरव गांगुली की चुटकी | 30 | ['hin'] |
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